छत्तीसगढ शासन
पंजीयन क्रमांक "छत्तीसगढ़/दुर्ग/ 09 / 2013-2015 ."
सत्यमेव जयते
"बिजनेस पोस्ट के अन्तर्गत डाक शुल्क के नगद भुगतान ( बिना डाक टिकट ) के प्रेषण हेतु अनुमत . क्रमांक जी.2-22- छत्तीसगढ़ गजट / 38 सि. से. भिलाई , दिनांक 30-05-2001 . "
छत्तीसगढ़ राजपत्र
(असाधारण)
प्राधिकार से प्रकाशित
क्रमांक 167]
रायपुर, शनिवार, दिनांक 12 मार्च 2022 -फाल्गुन 21 , शक 1943
छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग निर्वाचन भवन , नार्थ ब्लाक, सेक्टर 19 , नवा रायपुर अटल नगर
प्रकरण क्रमांक एफ-68-145/ तीन(दो )/न.पा./व्यय लेखा/ 2019-20 /1 /760
रायपुर, दिनांक 11 मार्च 2022 श्री सचिन मेघानी, अभ्यर्थी पार्षद पद, आम निर्वाचन दिसम्बर 2019- जनवरी 2020 , नगर पालिक निगम रायपुर, जिला रायपुर, छ.ग.
आदेश (छ.ग. नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 - ग सहपठित धारा 14 -ख के अन्तर्गत ) पारितदिनांक 11 मार्च, 2022
1. यह प्रकरण कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ( स्थानीय निर्वाचन ), रायपुर, छ.ग. के प्रतिवेदन दिनांक 9-6-2020 के आधार पर छत्तीसगढ़ नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 ( एतत्पश्चात संक्षेप में अधिनियम ) की धारा 14 - ग सहपठित धारा 14 - ख के तहत प्रारंभ किया गयाहै.
2. प्रकरण का संक्षिप्त विवरण यह है कि नगर पालिकनिगम , रायपुर के दिसम्बर - 2019- जनवरी 2020 में सम्पन्न आम निर्वाचन में वार्ड क्रमांक -57 के पार्षद पद के लिये निर्वाचन लड़े अभ्यर्थियों में अभ्यर्थी श्री सचिन मेघानी भी सम्मिलित थे. निर्वाचन परिणाम 24 दिसम्बर , 2019 को घोषित किया गया. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन ), रायपुर ने राज्य निर्वाचन आयोग को निर्धारित प्रपत्र में जानकारी प्रेषित कीकि नगर पालिक निगम , रायपुरके आम निर्वाचन 2019-20 में वार्ड क्रमांक-57 के पार्षद पद के अभ्यर्थियों में से अभ्यर्थी श्री सचिन मेघानी द्वारा निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तिथि के पश्चात्नियत समयावधि में विधि की अपेक्षानुसार निर्वाचन व्यय का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल नहीं किया गया है.
3. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ( स्थानीय निर्वाचन ) , रायपुर के प्रतिवेदन के परिप्रेक्ष्य में राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अभ्यर्थी श्री सचिन मेघानीकोदिनांक13-7-2020 को अधिनियम की धारा 14 - ग सहपठित धारा 14 -क एवं 14 - ख के अन्तर्गत सूचना प्राप्ति के 15 दिन के अन्दर इस बात की हेतुक दर्शित करने के लिए कारण बताओ सूचना जारी की गई कि वे उक्तनिर्वाचन व्यय लेखा अपेक्षित समय के भीतर विहित रीति में अधिसूचित अधिकारी केपास दाखिल करने में क्यों असफल रहे तथा क्यों न उनके विरूद्ध अधिनियम की धारा 14 - ग के अन्तर्गत कार्रवाई करते हुए उनको पांच वर्ष से अनधिक की कालावधि के लिए निर्वाचन लड़ने तथा नगरपालिक निगम का पार्षद होने के लिए निरर्हित किया जाए. कारण बताओ सूचना दिनांक 27-1-2022 को तामील कीगई.
4. कारण बताओ सूचना के सन्दर्भ में अभ्यर्थी द्वारा अपना जवाब /आवेदन पत्र मय शपथ-पत्र दिनांक 11-2-2022 को आयोग कार्यालय में प्रस्तुत किया गया जिसमें निर्वाचन व्यय लेखा विलंब से प्रस्तुत करने का कारण दर्शाते हुए लेख किया गया कि " उनके द्वारा निर्वाचन व्यय लेखा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी , रायपुर के समक्ष 3 दिन विलम्ब से दिनांक 27-1-2020 को प्रस्तुत किया गया क्योंकि वे दिनांक 20-1-2020 से 23-1-2020 तक
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मामाजी की वार्षिक कार्यक्रम हेतु रायपुर से बाहर थे. "
5. प्रकरण में कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन ) , रायपुर द्वारा दिनांक 9-6-2020 को परिशिष्ट -53 में जानकारी प्रस्तुत कर प्रतिवेदित किया गया कि नगर पालिक निगम रायपुर के दिसम्बर 2019- जनवरी 2020 में सम्पन्न निर्वाचन में वार्ड क्रमांक-57 के पार्षद पद के अभ्यर्थी श्री सचिन मेघानी ने निर्वाचन व्यय लेखा आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास विहित रीति में निर्धारित समयावधि के भीतर प्रस्तुत नहीं किया . यह अधिनियम की धारा 14 - क (1 ) एवं 14 - ख का उल्लंघन है. अधिनियम की धारा 14 - क ( 1 ) एवं 14 - ख की अपेक्षानुसार निर्वाचन व्यय लेखा , निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण एवं प्रस्तुति ) आदेश 2019 की कंडिका 7 ( 1 ) के तहत राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा नामोद्यिष्ट अधिसूचित अधिकारी जिलानिर्वाचन अधिकारी के पास दिनांक 23 जनवरी 2020 तक अनिवार्यतः प्रस्तुत करना था.
6. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ( स्थानीय निर्वाचन ), रायपुर के प्रतिवेदन, अभ्यर्थी के जवाब पर अभिमत तथा प्रकरण से सम्बन्धित उपलब्धअन्य अभिलेखों के परिशीलन से यह स्पष्ट होता है कि नगर पालिक निगम , रायपुर के दिसम्बर 2019 - जनवरी 2020 में सम्पन्न निर्वाचन में वार्ड क्रमांक- 57 के पार्षद पद के अभ्यर्थी श्री सचिन मेघानी द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा अधिनियम की धारा 14 - क( 1 ) तथा धारा 14 - ख की अपेक्षानुसार अधिसूचित अधिकारी के पास विहित रीति से निर्धारित अवधि में प्रस्तुत नहीं किया गया. अभ्यर्थी ने आयोग द्वारा जारी कारण बताओं सूचना के सन्दर्भमें अपना जवाब मय शपथ - पत्र प्रस्तुत कर उसमें स्वीकार किया है कि उनके द्वारा 3 दिन के विलंब से दिनांक 27-1-2020 को निर्वाचन व्यय लेखा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल किया गया था. विलंब का कारण अभ्यर्थी द्वारा मामाजी की वार्षिक कार्यक्रम दिनांक 20-1-2020 को होने के कारण दिनांक 20-1-2020 तक रायपुर शहर से बाहर रहना दर्शाया गया.
निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत करने के संबंध में अधिनियम की धारा 14 - ख एवं निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण एवं प्रस्तुति) आदेश 2019 की कंडिका 07 (1)निम्नानुसार है:
" धारा 14- ख . निर्वाचन व्यय के लेखे को दाखिल किया जाना. पार्षद पद के निर्वाचन में का प्रत्येक निर्वाचन लड़ने वाला अभ्यर्थी निर्वाचन की तारीख से तीस दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जो उस लेखा कीसही प्रतिहोगीजिसे उसने या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने धारा 14 - क के अधीन रखा है राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा
अधिसूचित अधिकारी के पास, दाखिल करेगा. " तथा
" 7. निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल किया जाना-
( 1) निर्वाचन लड़ने वाला प्रत्येक अभ्यर्थी या उसका निर्वाचन अभिकर्ता, अधिनियम में विनिर्दिष्ट समय अर्थात्निर्वाचन कीतारीख से 30 (तीस ) दिन के अन्दर निर्वाचन व्ययों का लेखा , जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल करेगा. "
अर्थात्अधिनियम की धारा 14 -ख की अपेक्षानुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा तिथि से तीस दिवस के अंदर निर्वाचन व्यय का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग के द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल किया जाना अनिवार्य है. निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण एवं प्रस्तुति) आदेश 2019 की कंडिका 07 ( 1 ) के तहत जिला निर्वाचन अधिकारी को अधिसूचित अधिकारी नामोद्यिष्ट किया गया है.
प्रकरण में निर्वाचन व्यय लेखा दाखिल करने की अंतिम तिथि निर्धारित थी अतः अभ्यर्थी द्वारा शहर से बाहर जाने के पूर्व स्वयं अथवा निर्वाचन अभिकर्ता के माध्यम से निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत किया जा सकता था जो कि अभ्यर्थी द्वारा निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में दाखिल करने की अनिवार्यता के प्रति गंभीरता नहीं की गई. चूंकि वार्षिक कार्यक्रम आकस्मिकता न होकर पूर्व निर्धारित होता है अतः अभ्यर्थी द्वारा निर्वाचन व्यय लेखा दाखिल करने में दर्शाया गया विलंब का कारण उपयुक्त तथा समाधानकारक नहीं माना जासकता.
उपरोक्तविवेचना से मुझे यह समाधान हो गया है अभ्यर्थी श्री सचिन मेघानी प्रश्नाधीन निर्वाचन व्ययों का लेखा निर्धारित समयावधि के भीतर अधिनियम के अधीन अपेक्षित रीति में आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करने में असफल रहे हैं तथा उक्त अभ्यर्थी इस असफलता के लिये कोई उपयुक्तकारण या न्यायोचित्यता नहीं रखते हैं. तदनुसार अधिनियम की धारा 14 -ग के प्रावधान अनुसार अभ्यर्थी श्री सचिन मेघानी को निर्वाचन व्ययों कालेखा निर्धारित समयावधि के भीतर विहित रीति से विधि की अपेक्षानुसार दाखिल करने में असफल रहने के कारण तथा धारा 14 -ग (ख ) में वर्णित कोई न्यायोचित्यता नहीं रखने के कारण इस आदेश की तारीख से 5 ( पांच ) वर्ष की कालावधि के लिये इस प्रकार चुने जाने तथा नगर पालिक निगम का पार्षद होने के लिए निरर्हित घोषित किया जाता है. अधिनियम की धारा 14 - ग की अपेक्षानुसार इस आदेश का प्रकाशन छत्तीसगढ़ राजपत्र में कराया जाए .
7. यह आदेश छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग की मोहर से तारीख 11 मार्च, 2022 को जारी किया गया.
हस्ता./- (ठाकुर राम सिंह)
राज्यनिर्वाचन आयुक्त.
संचालक , मुद्रण तथा लेखन सामग्री , छत्तीसगढ़ द्वारा शासकीय मुद्रणालय , रायपुर से मुद्रित तथा प्रकाशित 2022 .