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Chattisgarh Gazette - Extraordinary · Government of Chattisgarh

छत्तीसगढ़ दुकान एवं स्थापना (नियोजन एवं सेवा की शर्तों का विनियमन) (संशोधन) विधेयक, 2025 (क्रमांक 28 सन् 2025) संबंधी

Published 16 December 2025

Department
छ.ग. विधान सभा सचिवालय
Type
Extraordinary
Gazette no.
962
Notification no.
क्रमांक-16333/वि.स./विधान/2025
Identifier
in.gazette.chhattisgarh.eo.2025-12-16.962
Languages
English, Hindi

10000

0000

छत्तीसगढ़शासन

पंजीयन क्रमांक "छत्तीसगढ़/दुर्ग/ 09 / 2013-2015 . "

सत्यमेव जयते

"बिजनेस पोस्ट के अन्तर्गत डाक शुल्क के नगद भुगतान ( बिना डाक टिकट) के प्रेषण हेतु अनुमत. क्रमांक जी.2-22- छत्तीसगढ़ गजट / 38 सि. से. भिलाई. दिनांक 30-05-2001 ."

छत्तीसगढ़ राजपत्र

(असाधारण)

प्राधिकार से प्रकाशित

क्रमांक 962 ]

नवा रायपुर , मंगलवार, दिनांक 16 दिसम्बर 2025- अग्रहायण 25, शक 1947

छत्तीसगढ़ विधान सभा सचिवालय

रायपुर, मंगलवार, दिनांक 16 दिसम्बर, 2025 (अग्रहायण 25, 1947)

क्रमांक-16333 /वि.स./विधान/ 2025. छत्तीसगढ़ विधान सभा की प्रक्रिया तथा कार्य संचालन संबंधी नियमावली के नियम 64 के उपबंधों के पालन में छत्तीसगढ़ दुकान एवं स्थापना ( नियोजन एवं सेवा की शर्तों का विनियमन) (संशोधन) विधेयक, 2025 (क्रमांक 28 सन् 2025) जो मंगलवार, दिनांक 16 दिसम्बर , 2025 को पुरःस्थापित हुआ है , को जनसाधारण की सूचना के लिये प्रकाशित किया जाता है ।

हस्ता./- (दिनेश शर्मा) सचिव.

1923 1924

छत्तीसगढ़ राजपत्र, दिनांक 16 दिसम्बर 2025

छत्तीसगढ़ विधेयक

(क्रमांक 28 सन् 2025)

छत्तीसगढ़ दुकान एवं स्थापना ( नियोजन एवं सेवा की शर्तों का विनियमन ) ( संशोधन )

विधेयक, 2025

छत्तीसगढ़ दुकान एवं स्थापना ( नियोजन एवं सेवा की शर्तों का विनियमन ) अधिनियम , 2017 ( क्र . 21 सन् 2018 ) को संशोधित करने हेतु विधेयक।

भारत गणराज्य के छिहत्तरवें वर्ष में छत्तीसगढ़ विधानमण्डल द्वारा निम्नलिखित रूप में यह अधिनियमित होः-

1.

संक्षिप्त नाम तथा प्रारंभ.

( 1 ) यह अधिनियम छत्तीसगढ़ दुकान एवं स्थापना ( नियोजन एवं सेवा की शर्तों का विनियमन ) (संशोधन ) अधिनियम , 2025 कहलायेगा ।

( 2 ) यह संपूर्ण छत्तीसगढ़ राज्य में प्रवृत्त होगा ।

(3 ) यह राजपत्र में इसके प्रकाशन की तारीख से प्रवृत्त होगा ।

धारा 1 का संशोधन.

2. छत्तीसगढ़ दुकान एवं स्थापना ( नियोजन एवं सेवा की शर्तों का विनियमन ) अधिनियम , 2017 ( क्र . 21 सन् 2018 ) ( जो इसमें इसके पश्चात् मूल अधिनियम के रूप में निर्दिष्ट है ) की धारा 1 की उप- धारा ( 3 ) में , शब्द " दस " के स्थान पर , शब्द " बीस " प्रतिस्थापित किया जाये ।

धारा 6 का संशोधन .

3. मूल अधिनियम की धारा 6 की उप - धारा ( 2 ) के स्थान पर निम्नलिखित प्रतिस्थापित किया जाये , अर्थात् : -

" किसी महिला को, ऐसी शर्तों , जैसा कि राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित किया जाए , के अध्यधीन रहते हुए , रात्रि 9 बजे से सुबह 6 बजे तक भी कार्य करने हेतु अनुज्ञात किया जा सकेगा । " छत्तीसगढ़ राजपत्र, दिनांक 16 दिसम्बर 2025

1924( 1) 4. (1) मूल अधिनियम की धारा 8 में, -

धारा 8 का संशोधन.

(एक) उप- धारा ( 1 ) में , शब्द " नौ" एवं " पाँच " के स्थान पर , क्रमशः शब्द " दस " एवं " छः " प्रतिस्थापित किया जाये ।

(दो) उप -धारा ( 1 ) के परंतुक का लोप किया जाये ।

(तीन) उप - धारा ( 2) में, शब्द " साढ़े दस " के स्थान पर , शब्द " बारह " प्रतिस्थापित किया जाये।

(चार) उप- धारा (2 ) में , वाक्यांश " और यदि कर्मकार को अनिरंतरित प्रकृति के कार्य या अति आवश्यक कार्य सौंपे गये हैं, तो कार्य की कुल अवधि, बारह घंटे से अधिक नहीं होगी । " का लोप किया जाये ।

(पाँच) उप- धारा (3 ) में, शब्द " एक सौ पच्चीस " के स्थान पर, शब्द " एक सौ चवालीस " प्रतिस्थापित किया जाये । 1924( 2)

छत्तीसगढ़ राजपत्र, दिनांक 16 दिसम्बर 2025

उद्देश्योंऔर कारणों का कथन

यतः , श्रमिक विधायन का लक्ष्य राज्य में श्रमिकों के लिए कार्यकारी वातावरण को विनियमित करना तथा उनके कल्याण, सामाजिक सुरक्षा एवं कार्यकारी दशाओं को सुनिश्चित करना है ।

यतः , राज्य की अर्थव्यवस्था में स्थापनाओं, व्यापार एवं सेवा क्षेत्र का योगदान निरंतर बढ़ रहा है। बदलते हुए औद्योगिक वातावरण , प्रतिस्पर्धा की बढ़ती चुनौती तथा उद्यमशीलता एवं निवेश को प्रोत्साहित करने हेतु कार्य संबंधी प्रावधानों में लचीलापन लाना अत्यंत आवश्यक हो गया है।

यतः , उद्योग एवं व्यापारिक प्रतिष्ठानों के संचालन को अधिक सक्षम , उत्पादक और प्रतिस्पर्धी बनाने हेतु भारत सरकार के ईज ऑफ डूइंग बिजनेस एवं मेक इन इंडिया को दृष्टिगत रखते हुए, छत्तीसगढ़ दुकान एवं स्थापना ( नियोजन एवं सेवा की शर्तों का विनियमन ) अधिनियम , 2017 ( क्र . 21 सन् 2018 ) में निम्नलिखित संशोधन प्रस्तावित किया गया है, -

(क ) छोटे दुकान एवं स्थापनाओं पर अनुपालन का भार घटाने हेतु 10 या अधिक कर्मकारों के स्थान पर 20 या अधिक कर्मकारों के नियोजन वाले दुकान एवं स्थापनाओं पर इसे लागू करने का विनिश्चय किया गया है,

(ख ) दुकान एवं स्थापनाओं में महिलाओं के नियोजन में सम्मानजनक भागीदारी में बढ़ोत्तरी किए जाने हेतु रात्रिकालीन नियोजन में छूट प्रदान किया गया है ,

(ग ) उत्पादन एवं प्रतिस्पर्धा में वृद्धि हेतु दैनिक कार्य अवधि को नौ घंटे से बढ़ाकर दस घंटे किया जाना है , (घ ) कार्य व्यवस्था में लचीलापन लाने हेतु स्प्रेड ओवर टाईम साढ़े दस घंटे से बढ़ाकर बारह घंटे किया जाना है,

(ङ ) दुकान एवं स्थापनाओं की मौसमी एवं आकस्मिक आवश्यकताओं की पूर्ति हेतु तिमाही ओवर टाईम सीमा एक सौ पच्चीस घंटे से बढ़ाकर एक सौ चवांलीस घंटे किया जाना है ,

अतएव, उपरोक्त को दृष्टिगत रखते हुए छत्तीसगढ़ दुकान एवं स्थापना अधिनियम , 2017 (क्र . 21 सन् 2018 ) के प्रावधानों में संशोधन किया जाना प्रस्तावित है।

अतः यह विधेयक प्रस्तुत है।

रायपुर,

दिनांक 09 दिसम्बर , 2025

लखनलाल देवांगन श्रम मंत्री (भारसाधक सदस्य) छत्तीसगढ़ राजपत्र, दिनांक 16 दिसम्बर 2025

1924 ( 3)

उपाबंध

छत्तीसगढ़ दुकान एवं स्थापना (नियोजन एवं सेवा की शर्तों का विनियमन) अधिनियम , 2017 ( क 0 21 सन् 2018 ) की धारा 1 (3) , धारा 6 (2 ) एवं धारा 8 (1 ), (2 ), (3 ) का

सुसंगत उद्धरण:-

यह दस या अधिक कर्मकारों के नियोजन वाले दुकानों और स्थापनाओं पर लागू होगा ।

मूल अधिनियम की धारा 1 की उपधारा 3

किसी महिला को, सुबह 6 बजे से रात्रि 9 बजे के मध्य को छोड़कर, दुकान या स्थापना में अपेक्षित या अनुज्ञात नहीं किया जायेगाः

मूल अधिनियम की धारा 6 की उपधारा 2

परन्तु यह कि जहां राज्य शासन या उसके द्वारा इस निमित प्राधिकृत किसी व्यक्ति का समाधान हो जाता है कि आश्रय , विश्राम गृह, रात्रि शिशु गृह, महिला प्रसाधन , उसकी गरिमा , सम्मान एवं सुरक्षा का समुचित संरक्षण, यौन उत्पीडन से सुरक्षा एवं दुकान एवं स्थापना से उनके विद्यमान निवास के द्वार तक उनको पहुंचाने की व्यवस्था ऐसे दुकान या स्थापना में है, तो वह, अधिसूचना द्वारा , महिला कर्मकार की सहमति अभिप्राप्त करने के पश्चात्, ऐसी शर्तों, जैसा कि अधिसूचना में विनिर्दिष्ट किया जाये , के अध्यधीन रहते हुए, रात्रि 9 बजे से सुबह 6 बजे तक कार्य करने हेतु उनको अनुज्ञात कर सकेगा । किसी भी वयस्क कर्मकार से दुकान या स्थापना में सप्ताह में अड़तालीस घण्टे एवं एक दिन में नौ घण्टे से अधिक निरंतर कार्य करने की अपेक्षा नहीं की जायेगी अथवा उन्हें अनुज्ञात नहीं, किया जायेगा जब तक कि प्रत्येक पांच घंटे के पश्चात उसे विश्राम अन्तराल , जो आधे घण्टे से कम न हो, नहीं दिया गया होः

मूल अधिनियम की धारा 8 की उपधारा 1

परंतु अत्यावश्यक प्रकृति के कार्य की दशा में एवं फैसिलिटेटर की पूर्व अनुमति से, कार्य के घण्टे या साप्ताहिक विश्राम को शिथिल की जा सकेगी । मूल अधिनियम की धारा 8 की उपधारा 2

किसी दुकान या स्थापना में एक पाली में विश्राम अंतराल सहित कार्य के कुल घण्टों की अवधि, साढ़े दस घण्टे से अधिक नहीं होगी और यदि कर्मकार को अनिरंतर प्रकृति के कार्य या अतिआवश्यक कार्य सौपें गये हैं. तो कार्य की कुल अवधि, बारह घण्टे से अधिक नहीं होगी ।

मूल अधिनियम की धारा 8 की उपधारा 3

यदि एक दिन में नौ घण्टे एवं सप्ताह में अड़तालिस घण्टे से अधिक कार्य किया जाता है तो वह अधिसमय (ओवर टाइम) माना जायेगा और अधिसमय (ओवर टाईम) घण्टे की कुल संख्या, तीन माह की अवधि में एक सौ पच्चीस घण्टे से अधिक नही होगी ।

दिनेश शर्मा , सचिव,

छत्तीसगढ़ विधान सभा संचालक, मुद्रण तथा लेखन सामग्री , छत्तीसगढ़ द्वारा शासकीय मुद्रणालय , रायपुर से मुद्रित तथा प्रकाशित - 2025 .

Cite this issue. Chattisgarh Gazette - Extraordinary, Government of Chattisgarh, 16 December 2025. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gazette.chhattisgarh.eo.2025-12-16.962/. Archive identifier in.gazette.chhattisgarh.eo.2025-12-16.962.