Servants of Knowledge
Haryana Gazette · Government of Haryana

The Haryana Extension Lecturers and Guest Lecturers (Security of Service) Act, 2024 (Haryana Act No. 1 of 2025)

Published 06 February 2025

Department
Law and Legislative
Type
Extra-Ordinary
Gazette no.
26-2025/Ext
Notification no.
Leg. No. 1/2025
Identifier
in.gazette.haryana.2025-02-06.Extra-Ordinary_Leg-No-1-2025
Languages
English, Hindi
Published at
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Haryana Government Gazette

EXTRAORDINARY

Published by Authority

© Govt. of Haryana

No. 26-2025/Ext.] चण्डीगढ़, वीरवर, दिनांक 6 फरवरी, 2025

(17 माघ, 1946 शक)

विधायी परिषिष्ट

क्रमांक विषय वस्तु

पृृष्ठ भाग-I अधिनियम

1. हरियाणा विस्तार प्राध्यापक तथा अतिथि प्राध्यापक (सेवा की सुनिष्चितता) 19—21 अधिनियम, 2024 (2025 का हरियाणा अधिनियम संख्या 1)।

23—26 2. हरियाणा तकनीकी षिक्षा अतिथि संकाय (सेवा की सुनिष्चितता) अधिनियम, 2024 (2025 का हरियाणा अधिनियम संख्या 2)।

(केवल हिन्दी में)

भाग-II अध्यादेष

कुछ नहीं

भाग-III प्रत्यायोजित विधान

कुछ नहीं

भाग-IV शुद्धि पर्ची, पुनः प्रकाषन तथा प्रतिस्थापन

कुछ नहीं

(xv)19 HARYANA GOVT. GAZ. (EXTRA.), FEB. 6, 2025 (MAGH. 17, 1946 SAKA) भाग-I

हरियाणा सरकार

विधि तथा विधायी विभाग

अधिसूचना

दिनांक 6 फरवरी, 2025

संख्या लैज. 1/2025.- दि हरियाणा एक्सटेन्षन लेक्चरर्ज़ ऐन्ड गेस्ट लेक्चरर्ज़ (सिक्योरिटी ऑफ

सर्विस) ऐक्ट, 2024 का निम्नलिखित अनुवाद हरियाणा के राज्यपाल की दिनांक 03 फरवरी, 2025 की स्वीकृति के अधीन एतद्‌द्वारा प्रकाषित किया जाता है और यह हरियाणा राजभाषा अधिनियम, 1969 (1969 का 17) की धारा 4-क के खण्ड (क) के अधीन उक्त अधिनियम का हिन्दी भाषा में प्रामाणिक पाठ समझा जाएगाः-

2025 का हरियाणा अधिनियम संख्या 1

हरियाणा विस्तार प्राध्यापक तथा अतिथि प्राध्यापक (सेवा की सुनिष्चितता) अधिनियम, 2024 विस्तार प्राध्यापकों तथा अतिथि प्राध्यापकों की सेवा की सुनिष्चितता हेतु और उससे सम्बन्धित या उसके आनुषंगिक मामलों के लिए उपबन्ध करने हेतु अधिनियम

भारत गणराज्य के पचहत्तरवें वर्ष में हरियाणा राज्य विधानमण्डल द्वारा निम्नलिखित रूप में यह

अधिनियमित होः-

संक्षिप्त नाम, प्रारम्भ तथा विस्तार।

परिभाषाएं। 1. (1) यह अधिनियम हरियाणा विस्तार प्राध्यापक तथा अतिथि प्राध्यापक (सेवा की सुनिष्चितता) अधिनियम, 2024 कहा जा सकता है। (2) यह ऐसी तिथि से लागू होगा, जो सरकार, राजपत्र में अधिसूचना द्वारा, नियत करे। (3) इसका विस्तार सम्पूर्ण हरियाणा राज्य में होगा। 2. इस अधिनियम में, जब तक सन्दर्भ से अन्यथा अपेक्षित न हो,- (क) "नियत तिथि" से अभिप्राय है, 15 अगस्त, 2024; (ख) "समुचित प्राधिकारी" से अभिप्राय है, ऐसा प्राधिकारी, जो सरकार द्वारा अधिसूचित किया

जाए;

(ग) "पात्र विस्तार प्राध्यापक" से अभिप्राय है, ऐसा व्यक्ति, जो राजकीय महाविद्यालय में विस्तार प्राध्यापक के रूप में कार्यरत है और जिसने 30 जून, 2023 को या से पूर्व विष्वविद्यालय अनुदान आयोग विनियमों के अनुसार राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा अर्हक कर ली है या पी.एच.डी. की योग्यता रखता है;

(घ) "पात्र अतिथि प्राध्यापक" से अभिप्राय है, ऐसा व्यक्ति, जो राजकीय महाविद्यालय में अतिथि प्राध्यापक के रूप में कार्यरत है और जिसने विष्वविद्यालय अनुदान आयोग विनियमों के अनुसार राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा अर्हक कर ली है या पी.एच.डी. की योग्यता रखता है और जिसे नियमितिकरण पॉलिसी दिनांक 16 जून, 2014 के अधीन नियमित नहीं किया गया था;

(ड.) "सरकार" से अभिप्राय है, प्रषासकीय विभाग में हरियाणा राज्य की सरकार; (च) "विहित" से अभिप्राय है, इस अधिनियम के अधीन बनाए गए नियमों द्वारा विहित; (छ) "अनुसूची" से अभिप्राय है, इस अधिनियम से संलग्न अनुसूची; (ज) "अधिवर्षिता" से अभिप्राय है, अठावन वर्ष की आयु।

सेवा की अवधि। 3. प्रत्येक पात्र विस्तार प्राध्यापक तथा प्रत्येक पात्र अतिथि प्राध्यापक, जिसने नियत तिथि को कम से कम पांच वर्ष की सेवा पूरी कर ली है, तो वह अधिवर्षिता की आयु पूरी करने तक ऐसे रूप में कार्य करना जारी रखेगा।

व्याख्या.- सेवा के वर्षों की संख्या की गणना के प्रयोजनों हेतु, किसी पात्र विस्तार प्राध्यापक तथा पात्र अतिथि प्राध्यापक, जिसने एक कैलेण्डर वर्ष में कम से कम 240 दिन के लिए कार्य किया हो, को सम्पूर्ण वर्ष के लिए कार्य किया गया समझा जाएगा, किन्तु इसमें निम्नलिखित कर्मचारी शामिल नहीं होगा,- (i) जिसने नियत तिथि को अठावन वर्ष की आयु पूरी कर ली हो; या (ii) जिसकी सेवा नियत तिथि को या से पूर्व समुचित प्राधिकारी द्वारा समाप्त कर दी गई हो अथवा उसे हटा दिया गया हो या जिसने त्याग-पत्र दे दिया हो।20 HARYANA GOVT. GAZ. (EXTRA.), FEB. 6, 2025 (MAGH. 17, 1946 SAKA) पारिश्रमिक। 4. कोई पात्र विस्तार प्राध्यापक तथा पात्र अतिथि प्राध्यापक, प्रति मास 57,700/- रूपए के पारिश्रमिक के साथ-साथ सरकार द्वारा घोषित प्रत्येक वर्ष जनवरी के प्रथम दिन और जुलाई के प्रथम दिन से प्रभावी महंगाई भत्ते (डी.ए.) की प्रतिषतता के अनुसार वृद्धि (गैर-चक्रवृद्धि) का हकदार होगा। अतिरिक्त लाभ। 5. पात्र विस्तार प्राध्यापक तथा पात्र अतिथि प्राध्यापक, अनुसूची में यथा विनिर्दिष्ट ऐसे अतिरिक्त लाभ अनुसूची को संषोधित करने की शक्ति।

भी प्राप्त करेंगे। 6. (1) सरकार, राजपत्र में अधिसूचना द्वारा, अनुसूची को संषोधित कर सकती है। (2) उप-धारा (1) के अधीन जारी की गई प्रत्येक अधिसूचना, इसके जारी किए जाने के बाद, यथाषीघ्र, राज्य विधानमण्डल के सम्मुख रखी जाएगी। 7. अनुषासन, शास्तियों, अपीलों से सम्बन्धित मामलों और अन्य मामलों में, जो इस अधिनियम के अधीन विषेष रूप से उपबंधित नहीं किए गए हैं, पात्र विस्तार प्राध्यापक तथा पात्र अतिथि प्राध्यापक ऐसे नियमों द्वारा शासित होंगे, जो विहित किए जाएं।

अनुषासन, शास्तियां, अपीलें तथा अन्य मामले। कठिनाई दूर करने की शक्ति।

सद्‌भावपूर्वक की गई कार्रवाई का संरक्षण।

नियम बनाने की शक्ति।

8. (1) यदि इस अधिनियम के किसी भी उपबन्ध को प्रभावी रूप देने में कोई कठिनाई उत्पन्न होती है, तो सरकार, राजपत्र में प्रकाषित आदेष द्वारा, इस अधिनियम के उपबन्धों से अन्‌असंगत ऐसे उपबन्ध कर सकती है, जो इसे कठिनाई दूर करने के लिए आवष्यक प्रतीत हों। (2) इस धारा के अधीन किया गया प्रत्येक आदेष, इसके किए जाने के बाद, यथाषीघ्र, राज्य विधानमण्डल के सम्मुख रखा जाएगा। 9. इस अधिनियम के अधीन या इसके अधीन बनाए गए नियमों के अधीन सद्‌भावपूर्वक की गई या किए जाने के लिए आषयित किसी बात के लिए सरकार या सरकार के किसी अधिकारी या कर्मचारी या सरकार द्वारा प्राधिकृत किसी अन्य व्यक्ति या प्राधिकारी के विरूद्ध कोई भी वाद, अभियोजन या अन्य विधिक कार्यवाहियां नहीं हो सकेंगी। 10. (1) सरकार, राजपत्र में अधिसूचना द्वारा, इस अधिनियम के प्रयोजनों को कार्यान्वित करने के लिए नियम बना सकती है। (2) इस धारा के अधीन बनाया गया प्रत्येक नियम, इसके बनाए जाने के बाद, यथाषीघ्र, राज्य विधानमण्डल के सम्मुख रखा जाएगा।21 HARYANA GOVT. GAZ. (EXTRA.), FEB. 6, 2025 (MAGH. 17, 1946 SAKA) अनुसूची

(देखिए धारा 5)

1. प्रधान मंत्री-जन आरोग्य योजना (पी0एम0-जे0ऐ0वाई0) चिरायु विस्तार योजना के अधीन यथा अधिसूचित या सरकार द्वारा यथा संषोधित के अनुसार स्वास्थ्य देखभाल लाभ।
2. सामाजिक सुरक्षा संहिता, 2020 (2020 का केन्द्रीय अधिनियम 36) में विनिर्दिष्ट दराें के समान मृत्यु-एवं-सेवानिवृत्ति उपादान।
3. सामाजिक सुरक्षा संहिता, 2020 (2020 का केन्द्रीय अधिनियम 36) के उपबन्धों के अनुसार प्रसुति प्रसुविधा।
4. ऐसी नीति, जो सरकार द्वारा अधिसूचित की जाए, के अनुसार अनुग्रहपूर्वक अनुकंपा वित्तीय सहायता लाभ या अनुकंपा नियुक्ति।

अमरजीत सिंह, विषेष सचिव, हरियाणा सरकार, विधि तथा विधायी विभाग।

11629—L.R.—H.G.P., Pkl.

Cite this issue. Haryana Gazette, Government of Haryana, 06 February 2025. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gazette.haryana.2025-02-06.Extra-Ordinary_Leg-No-1-2025/. Archive identifier in.gazette.haryana.2025-02-06.Extra-Ordinary_Leg-No-1-2025.