राजपत्र, हिमाचल प्रदेशराजपत्र, हिमाचल प्रदेशराजपत्र, हिमाचल प्रदेशराजपत्र, हिमाचल प्रदेश
हिमाचल प्रदेश राज्य शासन द्वारा प्रकाशित हिमाचल प्रदेश राज्य शासन द्वारा प्रकाशित हिमाचल प्रदेश राज्य शासन द्वारा प्रकाशित हिमाचल प्रदेश राज्य शासन द्वारा प्रकाशित
शिमलाशिमलाशिमलाशिमला मंगलमंगलमंगलमंगलवार, वार, वार, वार, 16161616 मार्चमार्चमार्चमार्च, 20, 20, 20, 2011110000////25252525 फाल्गुन फाल्गुन फाल्गुन फाल्गुन, 1931, 1931, 1931, 1931
हिमाचल प्रदेश सरकारहिमाचल प्रदेश सरकारहिमाचल प्रदेश सरकारहिमाचल प्रदेश सरकार
शहरी विकास विभाग शहरी विकास विभाग शहरी विकास विभाग शहरी विकास विभाग
अधिसूचना
शिमला-2, 10 माचर्, 2010
संख्या यसंख्या यसंख्या यसंख्या यूूूू0000 डी0-ए0 डी0-ए0 डी0-ए0 डी0-ए0 (3) 5/2007 5/2007 5/2007 5/2007....--------हिमाचल प्रदेश की राज्यपाल, हिमाचल प्रदेश नगर पालिका अधिनियम, 1994 (1994 का 13) की धारा 279 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, उपर्युक्त अधिनियम के प्रयोजनों को कार्यान्वित करने के लिए निम्नलिखित नियम बनाने का प्रस्ताव करती है, और वे एतद्द्वारा, उपर्युक्त अधिनियम की धारा 279 (5) के अधीन यथा अपेक्षित के अनुसार इनसे संभाव्य प्रभावित व्यक्ति(यों) की सूचना के लिए राजपत्र, हिमाचल प्रदेश में प्रकाशित किए जाते हैं;
253-राजपत्र/2010-16-3-2010 (7151) 7152 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 इन नियमों द्वारा संभाव्यतः प्रभावित कोई व्यक्ति, यदि प्रस्तावित नियमों कं सम्बन्ध में कोई आक्षेप या सुझाव देना चाहे तो वह उन्हें निदेशक, शहरी विकास, हिमाचल प्रदेश, पालिका भवन (टालैंड), शिमला-2 के माध्यम से, इस अधिसूचना के राजपत्र में प्रकाशन की तारीख से पन्द्रह दिन की अवधि के भीतर अतिरिक्त मुख्य प्रधान सचिव (शहरी विकास) हिमाचल प्रदेश सरकार, शिमला 171002 को भेज सकेगा,
उपर्युक्त नियत अवधि के भीतर प्राप्त आक्षेप (पों)े या सुझाव (वों)े, यदि कोई हों) पर राज्य सरकार द्वारा उन्हें अंतिम रूप दिए जाने से पूर्व विचार किया जाएगा, अर्थातः् -
1111.... संक्षिप्त नाम और संक्षिप्त नाम और संक्षिप्त नाम और संक्षिप्त नाम और प्रारम्भप्रारम्भप्रारम्भप्रारम्भ....-----(1) इन नियमों का नाम हिमाचल प्रदेश नगर पालिका संकर्म नियम, 2010 हैं ।
2. ये नियम तुरन्त प्रवृत्त होंगेे ।
2. परिभाषाएं.--(1) इन नियमों में, जब तक कि संदर्भ से अन्यथा अपेक्षित न हो,--
(क) ''अधिनियम'' से हिमाचल प्रदेश नगर पालिका अधिनियम, 1994 अ्रभिप्रेत है,
(ख) ''प्रशासनिक अनुमोदन'' से इन नियमों द्वारा सशक्त प्राधिकारी द्वारा प्रदान किया गया अनुमोदन अभिपे्रत हैं,
(ग) ''प्रशासनिक अनुमोदन प्रदान करने के लिए सक्ष्म प्राधिकारी'' से इन नियमों के नियम 3 में विनिर्दिष्ट शक्तियों के अनुसार, यथास्थिति, सचिव (शहरी विकास) हिमाचल प्रदेश सरकार, निदेशक, शहरी विकास, हिमाचल प्रदेश और प्रस्ताव परित कर नगर पालिका अभिपे्रत है, (घ) ''नगर पालिका'' से नगर निगम या नगर परिषद या नगर पंचायत अथवा राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित शहरी स्थानीय निकाय की कोई अन्य नाम पद्धति अभिप्रेत है;
(ड.) ''विद्युत बार्डे'' से हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत परिषद अभिपे्रत है,ं
(च) ''विद्युत संकर्म'' और ''विद्युत परियोजनाओं'' के अन्तर्गत किसी संदेश के संचारण के सिवाय विद्युत उर्जा के किसी भी प्रयोजन के लिए उत्पादन संवितरण या उपयोग के लिए समस्त संकर्म और परियोजनाएं भी हैं ।
(छ) ''सफाई परियोजनाओं'' और ''सफाई संकर्मों'' के अंतर्गत क्रमशः ऐसी समस्त परियोजनाएं और संकर्म भी हैं जो,--
(i) पीने और सम्प्रवाहन हेतु पानी के संग्रहण भण्डारीकरण, प्रतिरक्षण, आपूर्ति, संवितरण और विनियमन से सम्बद्ध है;
(ii) जन निकासी, मल निकासी या मल निकास के उपयोग से सम्बद्व है;
(iii) पथाें, (स्ट्रीटस) वधशालाओं, बाजारों, वास-गृहों, सरायों, स्नानघाटों और अन्य सावर्जनिक स्थानों की सफाई के विनियमन से सम्बद्ध है; या
(iv) जल, बाढ़ और जल निकास मार्गों और मल निकास और पथ पनालों (नालियों) के सन्निर्माण और अनुरक्षण में सहायक या उससे सम्बद्ध हैं;
(ज) ''राज्य सरकार'' से हिमाचल प्रदेश सरकार अभिप्रेत है;
राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7153 (झ) ''तकनीकी स्वीकृति'' से किसी प्रायोजित संकर्म की विस्तृत योजनाओं और प्राक्कलनों के लिए इन नियमों के अधीन सशक्त बनाए गए प्राधिकारी की स्वीकृति अभिप्रेत है ;
(ञ) ''हि0 प्र0 लो0 नि0 वि0'' से हिमाचल प्रदेश लोक निर्माण विभाग अभिप्रेत है,
(ट) ''हिमुडा'' से हिमाचल प्रदेश आवास एवं शहरी विकास प्राधिकरण अभिप्रेत है;
(ठ) ''सि0 एवं ज0 स्वा0 विभाग'' से हिमाचल प्रदेश सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग अभिप्रेत है; और (ड) ''रा0 त0 सं0 (एम0 आई0 टी0)'' से राष्ट्रीय तकनीकी संस्थान, हमीरपुर अभिप्रेत है;
(2) उन समस्त शब्दों और पदों के जो इन नियमों में प्रयुक्त हैं किन्तु परिभाषित नहीं हैं वहीं अर्थ होंगे जो अधिनियम में हैं ।
(3) प्रश्प्रश्प्रश्प्रशासनिक अनाासनिक अनाासनिक अनाासनिक अनुमुमुमुमाााोदेदेदेदन की शक्तिन की शक्तिन की शक्तिन की शक्ति....--------(1) पांच लाख तक के व्यय के अंर्तवलित होने वाले संकर्मों के प्रशासनिक अनुमोदन की स्वीकृति के लिए नगरपालिका सक्षम होगी ।
(2) उप नियम (1) में दी गई सीमा से अधिक व्यय के अंतवलित होने वाले संकर्मों के प्रशासनिक अनुमोदन की स्वीकृति प्रदान करने के लिए सक्षम प्राधिकारी निम्न प्रकार से होंगे :-
| ( क) निदेशक, शहरी विकास, हिमाचल प्रदेश | पांच लाख रुपए से अधिक परन्तु 100 लाख रुपए से अधिक नहीं । |
| (ख) सचिव, शहरी विकास, हिमाचल प्रदेश | सौ लाख रुपए से अधिक । |
(3) ऐसे प्रशासनिक अनुमोदन को प्रदान करने से पूर्व सक्षम प्राधिकारी अपना यह समाधान करेगा कि- (क) प्राधिकारी द्वारा अपेक्षित ऐसे कच्चे लागत अनुमानों और परियोजनाओं को जिनकी तकनीकी स्वीकृति संकर्मों हेतु आवश्यक है, तैयार कर लिया गया है और इसके द्वारा अनुमोदित कर दिया गया हैं;
(ख) कार्य के निष्पादन के लिए निधि की वित्तीय वर्ष के भीतर आने की संभावना है, और (ग) पूर्ण किए गए संकर्मों के अनुरक्षण (रख-रखाव) के लिए आपेक्षित वार्षिक निधि के आने की संभावना है ।
4. मूलमूलमूलमूल संकर्म/मरम्मत कायसंकर्म/मरम्मत कायसंकर्म/मरम्मत कायसंकर्म/मरम्मत कार्यर् र् र् ((((ससससंकर्म) के निष्ंकर्म) के निष्ंकर्म) के निष्ंकर्म) के निष्पादन हेतु शक्ति-पादन हेतु शक्ति-पादन हेतु शक्ति-पादन हेतु शक्ति-(1) इस नियम के उप नियम (2) के उपबंधों के अनुसार जब तक सक्षम प्राधिकारी की पूर्व तकनीकी मंजूरी अभिप्राप्त नहीं की गई हो, तब तक किसी नगरपालिका द्वारा, यदि इसमें 50,000/- रुपये से अधिक व्यय अतंवर्लित हो, कोई मूल संकर्म/मरम्मत कार्य (संकर्म) हाथ में नहीं लिया जाएगा ।
(2) किसी मूल संकर्म/मरम्मत कार्य (संकर्म) के लिए तकनीकी मंजूरी प्रदान करने की शक्ति,- (क) विद्युत संकर्मों की दशा में विद्युत स्कन्ध (खण्ड), लोक निर्माण विभाग, हिमाचल प्रदेश के पास होगी ।
(ख) सफाई संकर्मों और भवनों के जल संकर्मों, मार्गों और भवन संकर्मों से संबद्ध सिविल संकर्मों की दशा में निम्नलिखित होगी :-
7154 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
| क्रम संख्या | पदनाम | तकनीकी मंजूरी शक्तियां |
| 1 | नगरपालिका का कनिष्ठ अभियंता | 3 लाख रुपये तक । |
| 2 | नगरपालिका का सहायक अभियंता | 10 लाख रुपये तक । |
| 3 | अधिशाषी अभियंता | अधिकतम 50 लाख रुपये के अध्यधीन 10 लाख रुपये और अधिक । |
| 4 | मुख्य अभियंता, हिमाचल प्रदेश लोक निर्माण विभाग/मुख्य कार्यकारी अधिकारी, हिमाचल प्रदेश नगर विकास प्राधिकारण | 50 लाख रुपये और अधिक । |
(ग) जल आपूर्ति (प्रदाय) सफाई संकर्मों की दशा में सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग, हिमाचल प्रदेश के पास होगी; और
(घ) भवन के भंजन, उसकी सामग्री के विक्रय या अपलिखित करने की दशा में सचिव, नगर विकास हिमाचल प्रदेश सरकार के पास होगी ।
(3) संकर्मों की परिकल्पना (डिज़ाईन) और रंखाचित्र हिमाचल प्रदेश लोक निर्माण विभाग, सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य, हिमुडा और राष्ट्रीय प्रौद्यौगिकी संस्थान के सक्षम प्राधिकारियों से अनुमोदित करवाए जाएंगे । (4) नगरपालिका उप नियम (1) और (2) के अधीन आने वाले किसी संकर्म के निष्पादन के दौरान, सक्षम प्राधिकारी द्वारा ऐसे संकर्म की बाबत, अधिरोपित समस्त शर्तों के अनुरूप कार्य करेगी ।
(5) पुनरीक्षित प्रश्पुनरीक्षित प्रश्पुनरीक्षित प्रश्पुनरीक्षित प्रशासनिक अनाासनिक अनाासनिक अनाासनिक अनुमुमुमुमाााोदेदेदेदनःनःनःनः--------यदि संकर्म के निष्पादन हेतु कोई विचलन या परिवर्तन आवश्यक समझा जाए तो निष्पादन करने वाला प्राधिकारी पुनरीक्षित प्राक्कलन प्रस्तुत करके सक्षम प्राधिकारी का अनुमोदन अभिप्राप्त करेगा ।
(6) सहायता अनुदानसहायता अनुदानसहायता अनुदानसहायता अनुदान.--(1) नगरपालिका से मूल संकर्म/मरम्मत कार्य (संकर्म) हेतु सहायता अनुदान के लिए प्रत्येक आवेदन प्रशासनिक अनुमोदन के आदेश की प्रति के साथ निदेशक, शहरी विकास, हिमाचल प्रदेश के माध्यम से सचिव, शहरी विकास हिमाचल प्रदेश सरकार को प्रस्तुत किया जाएगा । (2) नगरपालिका सहायता अनुदान का उपयोग विनिर्दिष्ट प्रयोजन, जिसके लिए यह मंजूर किया गया है, से भिन्न किसी अन्य प्रयोजन हेतु नहीं करेगी ।
(7) ससससंकर्म कंकर्म कंकर्म कंकर्म के लिए प्रारंभिक या ा और प्राक्कलन तैयार करना....-------- (1) संकर्म के लिए े लिए प्रारंभिक योजनाएं, विनिर्देश्ेजनाएं, विनिर्देश्ेजनाएं, विनिर्देश्ेजनाएं, विनिर्देश और प्राक्कलन तैयार करना ा और प्राक्कलन तैयार करना ा और प्राक्कलन तैयार करना े लिए प्रारंभिक या े लिए प्रारंभिक या प्रारंभिक सर्वेक्षण, योजनाएं, विनिर्देश और प्राक्कलन नगरपालिका अभियन्ता द्वारा तैयार किए जाएंगें । (2) जब नगर पालिका, प्रशासनिक कारणों से किसी परियोजना, जिसके लिए इन नियमों के अधीन उच्च प्राधिकारी का प्रशासनिक अनुमोदन अपेक्षित हो, के प्रारंभिक सर्वेक्षण, योजना विनिर्देश और प्राक्कलन तैयार करने के लिए इसका अपना स्थाई स्टाफ नियोजित न करने का संकल्प करती है तो यह समस्त प्रारंभिक सर्वेक्षण, योजनाए,ं विनिर्देश और प्राक्कलन तैयार करने के लिए आवश्यक वृतिक कर्मचारी (स्टाफ) हेतु संबद्ध अभिकरण को आवेदन करेगी । राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7155 8. रेलवे लाइन के निकट रेलवे लाइन के निकट रेलवे लाइन के निकट रेलवे लाइन के निकट ससससंरेखण (अलाइनमेन्ट) के लिए प्रक्रिंरेखण (अलाइनमेन्ट) के लिए प्रक्रिंरेखण (अलाइनमेन्ट) के लिए प्रक्रिंरेखण (अलाइनमेन्ट) के लिए प्रक्रियायायाया....--------जब कभी किसी नए नगरपालिका मार्गों, नालियों का संरेखण, नगरपालिकाओं से असंबद्ध पूर्व विद्यमान रेलवे या अन्य मार्गों के समीप से गुजरता है या उनमें कोई परिवर्तन या विचलन अंतवर्लित करता है या उनसे संबंधित किन्हीं संकर्मों या भूमि में बाधा डालता है, तो उस पर किए जाने हेतु प्रस्तावित किसी संकर्म से पूर्व नए नगरपालिका मार्गों, नालियों के प्रस्तावित निमार्ण के लिए ऐसे रेलवे या मार्ग (र्गों) के प्रभारी प्राधिकारियों की लिखित सहमति अभिप्राप्त की जाएगी ।
(9) निरसन और व्यवृत्तियां निरसन और व्यवृत्तियां....-----(1) अधिसूचना संख्या 1-3/70-एल0 एस0 जी, तारीख 4-8-1973 निरसन और व्यवृत्तियां निरसन और व्यवृत्तियां द्वारा अधिसूचित और तारीख 11-10-1973 को राजपत्र, हिमाचल प्रदेश (असाधारण) में प्रकाशित हिमाचल प्रदेश नगरपालिक संकर्म नियम, 1973 एतदद्वारा निरसित किए जाते हैं ।
(2) ऐसे निरसन के होते हुए भी, इस प्रकार निरसित नियमों में अधीन की गई कोई कार्रवाई या कोई बात इन नियमों के तत्स्थानी उपबंधों के अधीन की गई समझी जाएगी ।
आदेश द्वारा, हस्ताक्षरित/- अतिरिक्त मुख्य सचिव।
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[Authoritative English text of Government Notification No. UD- A (3) 5/2007 dated 10-03-
2010 as required under clause(3) of article 348 of the Constitution of India].
URBAN DEVELOPMENT DEPARTMENT
NOTIFICATION
Shimla-2, 10th March, 2010
No. UD- A (3) 5/2007.—In exercise of the powers conferred by section 279 of the Himachal Pradesh Municipal Act, 1994 ( Act No.13 of 1994), the Governor of Himachal Pradesh proposes to make the following rules for carrying out the purposes of the Act ibid and the same are hereby published in the Raj Patra Himachal Pradesh for the general information of the person(s) likely to be affected thereby as required under section 279 (5) of the said Act;
If any person, likely to be affected by these rules, has any objection(s) or suggestion(s) to make with regard to the proposed rules, he may send the same to the Addl. Chief Secretary (Urban Development) to the Government of Himachal Pradesh, Shimla-171002 through the Director, Urban Development, Himachal Pradesh, Palika Bhawan (Talland ) Shimla-171002 within a period of 15 days from the date of its publication in the Official Gazette;
Objection(s) or suggestion(s), if any, received within the above stipulated period shall be taken into consideration by the State Government before finalizing the same, namely :—
1. Short title and commencement.—(1) These rules may be called the Himachal Pradesh Municipal Works Rules, 2010.
(2) They shall come into force with immediate effect.
2. Definitions. (1)In these rules, unless the context otherwise requires,—
(a) "Act" means the Himachal Pradesh Municipal Act,1994;
7156 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
(b) "Administrative approval" means an approval accorded by the authority empowered by these rules;
(c) "competent authority to accord administrative approval" means the Secretary (UD) to the Government of Himachal Pradesh, Director, Urban Development, Himachal Pradesh and Municipality by passing a resolution, as the case may be, as per the powers specified in the Rule 3 of these rules;
(n) "Municipality" means Municipal Council or Nagar Panchayats or any other nomenclature of the Urban Local Bodies notified by the State Government; (o) "Electricity Board" means the Himachal Pradesh State Electricity Board;
(p) "electrical works" and "electrical projects" include all works and projects for the generation, distribution or utilization of electrical energy for any purpose except, the transmission of a message;
(q) "sanitary projects" and "sanitary works" respectively, includes all projects and works,
(i) connected with the collection, storage, protection, supply, distribution and regulation of water for drinking and flushing;
(ii) connected with drainage, sewerage or the utilization of sewerage;
(iii) connected with the regulation of the sanitation of streets, slaughter houses, markets, lodging houses, sarais, bathing ghats and other public places; or (iv) subsidiary to or connected with the construction and maintenance of water, flood and drainage channels and sewerage and street gutters;
(r) "State Government" means the Government of Himachal Pradesh;
(s) "technical sanction" means the sanction of the authority empowered under these rules to the detailed plans and estimates of a projected work;
(t) " HP PWD" means Public Works Department, Himachal Pradesh;
(u) " HIMUDA" means Himachal Pradesh Housing and Urban Development Authority;
(v) "I&PH Department" means Irrigation and Public Health Department, Himachal Pradesh; and
(w) "NIT" means National Institute of Technology, Hamirpur.
2. All words and expressions used but not defined in these rules shall have the meaning respectively as assigned to them in the Act.
3. Powers of administrative approval.—(1) The Municipality shall be competent to accord administrative approval to the works involving expenditure upto Rs.5.00 lacs .
(2) The authority competent to accord administrative approval to the works involving expenditure exceeding the limit given in sub rule (1) shall be as follows:—
राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7157
| ( a) | Director Urban Development, Himachal Pradesh | Exceeding Rs.5.00 lacs but not exceeding Rs.100.00 lacs. |
| (b) | Secretary (UD)to the Government of Himachal Pradesh | exceeding Rs, 100.00 lacs. |
(3) Before according such an administrative approval, the authority competent to do so shall satisfy itself that,
(a) the rough cost estimates and plans; required by the authority whose technical sanction to the works is necessary have been prepared and approved by it ;
(b) funds for the execution of the work are likely to be forthcoming within the financial year; and
(c) funds required annually for maintenance of the completed works are likely to be forthcoming
. 4. Power for execution of original/repair work.—(1) No original/repair work shall be undertaken by a municipality, if it involves an expenditure exceeding Rs. 50,000 /- unless the technical sanction of the Competent authority has previously been obtained as per the provisions of sub rule (2) of this rule.
(2) The power to grant technical sanction of an original/repair work,—
(a) in the case of electrical works shall rest with the electrical wing of the Public Works Department, Himachal Pradesh.
(b) in case of civil works relating to sanitary works and water works of buildings, roads and buildings work shall be as under:—
| S r. No. | Designation | Technical Sanction Powers |
| 1. | Junior Engineer of the Municipality | Upto Rs. 3.00 Lacs |
| 2. | Assistant Engineer of the Municipality | Upto Rs.10.00 Lacs |
| 3. | Executive Engineer | Rs. 10.00 Lacs and above subject to maximum of Rs. 50.00 Lacs |
| 4. | Chief Engineer, Himachal Pradesh Public Works Department / CEO, Himachal Pradesh Urban Development Authority | Rs. 50.00 Lacs and above |
(c) in case of water supply, sanitary works, shall rest with the Irrigation and Public Health Department, Himachal Pradesh; and
(d) in case of Demolition of building, sale or write-off material thereof shall rest with the Secretary, Urban Development to the Government of Himachal Pradesh.
7158 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
(3) The design and drawings of works shall have to be got approved from the competent authorities of the HP PWD, I&PH Department, HIMUDA and NIT.
(4) The Municipality during the execution of a work falling under sub-rules (1) and (2) shall conform to all conditions imposed by the competent authority with regard to such work.
5. Revised Administrative approval.—The Executing Authority shall obtain the approval of the Competent Authority by submitting the revised estimate(s), if any deviation or alteration is considered necessary for execution of works.
6. Grant-in-aid.—(1) Every application from the municipality for a grant-in-aid for an original work /repair work shall be submitted with a copy of the order of administrative approval, through the Director, Urban Development, Himachal Pradesh to the Secretary, Urban Development, Himachal Pradesh.
(2) The Municipality shall not utilize the grant-in-aid for any purpose other than the specific purpose for which it has been sanctioned.
7. Preparation of preliminary plans, specifications and estimates for works.—(1) Preliminary surveys, plans, specifications and estimates for works shall be prepared by the Municipal Engineer.
(2) When Municipality due to administrative reasons resolves not to employ its own permanent staff for the preparation of the preliminary surveys, plan specifications and estimate for any project, which requires the administrative approval of higher authority under these rules, it shall apply to the concerned agency for necessary professional staff to prepare all preliminary surveys, plans, specifications and estimates.
8. Procedure for alignment adjoining railway line.—Whenever the alignment of a new municipality roads, drains, passes close to or involves any alteration to, or diversions, of pre- existing railways or other roads not belonging to municipalities or interferes with any works or land pertaining to the same, the written consent of the authorities in-charge of such railways or road(s) to the proposed construction of the new municipality roads, drains shall be obtained before any work is proposed to be undertaken thereon.
9. Repeal and savings.—(1) The Himachal Pradesh Municipal Works Rules, 1973 notified vide Notification No. 1-3/70-LSG dated 04.08.1973 and published in the Rajpatra, Himachal Pradesh(Extraordinary) dated 11-10-1973 are hereby repealed.
(2) Notwithstanding such repeal any action taken or anything done under the rules so repealed shall be deemed to have been taken or done under the corresponding provisions of these rules.
By order, Sd/-
Addl. Chief Secretary.
राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7159
TRANSPORT DEPARTMENT
NOTIFICATION
Shimla-2, the 12th March, 2010
No. TPT-C (17)-2/2009.—In continuation of this department nonfiction of even No. dated 16th January, 2010 vide which Advisory Council for HRTC was constituted, the Governor Himachal Pradesh in exercise of the powers conferred by Section 17 of the Road Transport Corporation Act, 1950 is pleased to appoint following non official members to the Advisory Council with immediate effect in the public interest for a period of three years as under:—
1. Sh. Kashmere Lal Jain, VPO, Nogali, The-Rampur, Distt- Shimla. 2. Sh. Mahant Ram Chaudhary, Retd, Session Judge, Bhojpur Sundernagar.
3. Sh. Ashok Thakur, Contractor Hamirpur.
4. Sh. Dhani Ram, Member Zila Parishad Baijnath, Distt-Kangra. 5. Sh. Davinder, Poanta, District-Sirmaur. 6. Sh. Z.A. Bhutto, Ghumarwin, District-Bilaspur. 7. Sh. Jeet Ram Thakur, VPO Kashlog, Teh. Arki, District-Solan. 8. Smt. Laxmi Jaryal, VPO-Dalautpur Chowk, Teh-Amb, District-Una.
By order, Sd/- Principal Secretary.
_________
सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभागसिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभागसिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभागसिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग
अधिसूचना
शिमला-171002, 11 मार्च, 2010
संख्या सिंचाई 11-3/2010-कांगड़ासंख्या सिंचाई 11-3/2010-कांगड़ासंख्या सिंचाई 11-3/2010-कांगड़ासंख्या सिंचाई 11-3/2010-कांगड़ा....--------यतः हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल को यह प्रतीत होता है कि हिमाचल प्रदेश सरकार को अपने व्यय पर सार्वजनिक प्रयोजन के लिए नामतः महाल व मौजा वहादपुर तहसील फतेहपुर, जिला कांगड़ा़ में शाहनहर परियोजना का किनारा के निर्माण हेतु भूमि अर्जित करनी अपेक्षित है, अतएव एतदद्वारा यह अधिसूचित किया जाता है कि उक्त परिक्षेत्र मेेंं जैसा कि निम्न विवरणी में निर्दिष्ट किया गया है उपरोक्त प्रयोजन के लिए भूमि का अर्जन अपेक्षित है।
2. यह अधिसूचना ऐसे सभी व्यक्तियों को जो इससे सम्बन्धित हैंं या हो सकते हैं, की जानकारी के लिए भूमि-अर्जन अधिनियम, 1894 की धारा-4 के उपबन्धों के अन्तर्गत जारी की जाती है ।
3. पूर्वोक्त धारा द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्र्रयोग करते हुए राज्यपाल, हिमाचल प्रदेश इस समय इस उपक्र्रम में कार्यरत सभी अधिकारियों उनके कर्मचारियों और श्रमिकों को इलाके की किसी भी भूमि में प्रवेश करने तथा सर्र्वेक्षण करने और उस धारा द्वारा अपेक्षित अथवा अनुमतः सभी अन्य कार्यों को करने के लिए सहर्ष प्र्राधिकार देेते हैं।
4. अत्याधिक आवश्यकता को दृष्टि में रखते हुये राज्यपाल उक्त अधिनियम की धारा की उपधारा-(4) के अधीन यह भी निर्देश देते है कि उक्त अधिनियम की धारा-5 ए के उपबन्ध इस मामले में लागू नहीं होंगे। 7160 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
विस्तृविस्तृविस्तृविस्तृत विवरणीत विवरणीत विवरणीत विवरणी
जिला तहसील महाल खसरा नम्बर क्षेत्र
हेक्टेयर में कांगड़ा फतेहपुर बहादपुर
2349/1 0-03-30
आदेश द्वारा, हस्ताक्षरित/- प्रधान सचिव।
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कृषि विभागकृषि विभागकृषि विभागकृषि विभाग
अधिसूचना
शिमला-2, 30 अक्तूबर, 2009
संख्या संख्या संख्या संख्या ————षि-ए(3)-5/2007षि-ए(3)-5/2007षि-ए(3)-5/2007षि-ए(3)-5/2007....--------हिमाचल प्रदेश की राज्यपाल, भारत के संविधान के अनुच्छेद 309 के परन्तुक द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग के परामर्श से, इस विभाग की अधिसूचना संख्या एग्र-ए-3 (6)/95 तारीख 29 जनवरी, 2000 द्वारा अधिसूचित हिमाचल प्रदेश कृषि विभाग सर्वेयर, भर्ती एवं प्रोन्नति नियम, 2000 में और संशोधन करने के लिए निम्नलिखित नियम बनाती है, अर्थात :
1111.... संसिंसिंसिंक्षिप्त नाम और प्रारम्भक्षप्त नाम और प्रारम्भक्षप्त नाम और प्रारम्भक्षप्त नाम और प्रारम्भ....--------(i) इन नियमों का संक्षिप्त नाम, हिमाचल प्रदेश कृषि विभाग, सर्वेयर वर्ग-III {अराजपत्रित} भर्ती और प्रोन्नति (प्रथम संशोधन) नियम, 2009 है।
(ii) ये नियम राजपत्र, हिमाचल प्रदेश में प्रकाशित किए जाने की तारीख से प्रवृत्त होंगे। 2222.... उपाबन्ध-क का संशोधनउपाबन्ध-क का संशोधनउपाबन्ध-क का संशोधनउपाबन्ध-क का संशोधन....--------हिमाचल प्रदेश कृषि विभाग, सर्वेयर, वर्ग-III (अराजपत्रित) भर्ती और प्रोन्नति नियम, 2000 के उपाबन्ध-क में :--
(क) स्तम्भ संख्या 4 के सामने विद्यमान उपबन्धों के स्थान पर निम्नलिखित प्रतिस्थापित किया जाएगा,
''4020-120-4260-140-4400-150-5000-160-5800-200-6200 रुपये ।'
(ii) संविदा कर्मचारियों के लिए उपलब्धियां : 6030 रुपये प्रतिमास (स्तम्भ संख्या 15-क में दिए व्यौरे के अनुसार)
(ख) स्तम्भ संख्या 6 के सामने उपबन्ध में अंकाें और शब्दों '18 से 38' वर्ष के स्थान पर '18 से 45' वर्ष अंक और शब्द रखे जाएंगे।
(ग) स्तम्भ संख्या 10 के सामने विद्यमान उपबन्धों के स्थान पर निम्नलिखित रखा जाएगा, अर्थात्ः-
शत्-प्रतिशत सीधी भर्ती द्वारा (50 प्रतिशत सीधी भर्ती (खुली प्रतियोगिता) द्वारा तथा 50 प्रतिशत वैच आधार पर यथास्थिति, नियमित आधार पर या संविदा के आधार पर भर्ती द्वारा। संविदा कर्मचारियों को स्तम्भ संख्या 15(क) में दर्शाई गई उपलब्ध्यिां दी जाएंगी और वह उक्त स्तम्भ में यथाविनिर्दिष्ट सेवा शर्तों द्वारा विनियमितकिए जाएंगे। राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7161 (घ) स्तम्भ संख्या 14 के सामने विद्यमान उपबन्धों के स्थान पर निम्नलिखित रखा जाएगा, अर्थात्ः-
किसी सेवा या पद पर नियुक्ति के लिए अभ्यार्थी का भारत का नागरिक होना आवश्यक है। (ङ) विद्यमान स्तम्भ संख्या.--15 के पश्चात निम्नलिखित स्तम्भ संख्या 15-क अन्तः स्थापित की जायेगी, अर्थात्ः-
संंिवदा नियुक्ति द्वारा पद पर नियुक्ति के लिए चयन....--------इन नियमों में किसी बात के ''''''''15-क15-क15-क15-क.... संंिवदा नियुक्ति द्वारा पद पर नियुक्ति के लिए चयन संंिवदा नियुक्ति द्वारा पद पर नियुक्ति के लिए चयन संंिवदा नियुक्ति द्वारा पद पर नियुक्ति के लिए चयन अंतर्दिष्ट होते हुए भी पद पर संविदा नियुक्तियां निम्नलिखित निवन्धनों और शर्तों के अध्यधीन की जाएंगी.-- ((((I) ) ) ) संकल्पनासंकल्पनासंकल्पनासंकल्पना....--------{क} इस पॉलिसी के अधीन कृषि विभाग हिमाचल प्रदेश, में सर्वेयर को संविदा के आधार पर प्रारम्भ में एक वर्ष के लिए लगाया जाएगा, जिसे वर्षानुवर्ष आधार पर बढ़ाया जा सकेगा। {ख} पद का हिमाचल प्रदेश अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड के कार्यक्षेत्र में आना-निदेशक कृषि, हिमाचल प्रदेश रिक्त पदों को संविदा के आधार पर भरने के लिए सरकार का अनुमोदन प्राप्त करने के पश्चात्, अध्यपेक्षा को सम्बद्ध भर्ती अभिकरण अर्थात् हिमाचल प्रदेेश अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड, हमीरपुर के समक्ष रखेगा।
{ग} चयन इन नियमों में विहित पात्रता शर्तों के अनुसार किया जाएगा।
((((II) ) ) ) संिंवदात्मक उपलब्धियासंिंवदात्मक उपलब्धियासंिंवदात्मक उपलब्धियासंिंवदात्मक उपलब्धिया....--------संविदा के आधार पर नियुक्त सर्वेयर का 6030/- रुपये की समेकित नियत संविदात्मक रकम {जो वेतनमान के प्रारम्भिक महंगाई वेतन के बराबर होगी} प्रतिमास सदंत्त की जाएगी। यदि संविदा में एक वर्ष से अधिक की बढ़ौतरी की जाती है तो पश्चातवर्ती वर्ष (वर्षों) के लिए संविदात्मक उपलब्धियों में 120/- रुपये की रकम वार्षिक वृद्धि के रूप में अनुज्ञात की जाएगी।
((((III) ) ) ) नियुनियुनियुनियुक्ति/अनुशासन प्राधिकारी क्ति/अनुशासन प्राधिकारी....--------निदेशक, कृषि हिमाचल प्रदेश नियुक्ति और अनुशासन क्ति/अनुशासन प्राधिकारी क्ति/अनुशासन प्राधिकारी प्राधिकारी होगा।
((((IV) ) ) ) चयन प्रक्रियाचयन प्रक्रियाचयन प्रक्रियाचयन प्रक्रिया....--------संविदा नियुक्ति की दशा में पद पर नियुक्ति के लिए चयन, मौखिक परीक्षा के आधार पर किया जाएगा या यदि आवश्यक या समीचीन समझा जाए तो लिखित परीक्षा या व्यवहारिक परीक्षा के आधार पर किया जाएगा, जिसका स्तर/पाठ्यक्रम इत्यादि सम्बद्ध भर्ती अभिकरण अर्थात् हिमाचल प्रदेश अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड, हमीरपुर द्वारा अवधारित किया जाएगा।
((((V) ) ) ) संंिवदात्मक नियुक्तियों के लिए चयन समितिसंंिवदात्मक नियुक्तियों के लिए चयन समितिसंंिवदात्मक नियुक्तियों के लिए चयन समितिसंंिवदात्मक नियुक्तियों के लिए चयन समिति....--------जैसी सम्बद्ध भर्ती अभिकरण अर्थात् हिमाचल प्रदेश अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड हमीरपुर, द्वारा सीधी भर्ती के लिए और वैच आधार पर भर्ती हि0प्र0 सरकार द्वारा/विभागाध्यक्ष द्वारा की जाएगी ।
((((VI) ) ) ) करारकरारकरारकरार....--------अभ्यर्थी को, चयन के पश्चात इन नियमों से संलग्न उपाबन्ध-ख के अनुसार करार हस्ताक्षरित करना होगा
((((VII) ) ) ) निबन्धन और शर्तें निबन्धन और शर्तें....--------(क) संंिवदात्मक नियुक्त व्यक्ति को 6030/- रुपये की नियत निबन्धन और शर्तें निबन्धन और शर्तें संविदात्मक रकम {जो वेतनमान के प्रारम्भिक महंगाई वेतन के बराबर होगी} प्रतिमास संदत्त की जाएगी। यदि संविदा में एक वर्ष से अधिक की बढ़ौतरी की जाती है तो संविदा पर नियुक्त व्यक्ति आगे विस्तारित वर्षों के लिए प्रतिवर्ष 120/- रुपए का हकदार होगा आरै कोई अन्य सहबद्ध प्रसुविधाएं जैसे वरिष्ठ चयन वेतनमान आदि नहीं दिया जाएगा।
(ख) संविदा पर नियुक्त व्यक्ति की सेवा, पूर्णतया अस्थाई आधार पर होगी। यदि संविदा पर नियुक्त व्यक्ति का कार्य/आचरण ठीक नहीं पाया जाता है तो नियुक्ति समाप्त किए जाने के लिए दायी होगी । 7162 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 (ग) संविदा पर नियुक्त व्यक्ति, एक मास की सेवा पूरी करने के पश्चात् एक दिन के आकस्मिक अवकाश का हकदार होगा। यह अवकाश एक वर्ष तक संचित किया जा सकेगा। संविदा पर नियुक्त व्यक्ति को किसी भी प्रकार का अन्य कोई अवकाश अनुज्ञात नहीं है। वह चिकित्सा प्रतिपूर्ति और एल0टी0सी0 इत्यादि के लिए भी हकदार नहीं होगा/होगी। केवल प्रसूति अवकाश, नियमानुसार दिया जाएगा।
{घ} नियन्त्रण अधिकारी के अनुमोदन के बिना सेवा से अनधिकृत अनुपस्थिति से स्वतः ही संविदा का पर्यावसान {समापन} हो जाएगा। संविदा पर नियुक्त व्यक्ति, कत्र्तव्य {ड्यूटी} से अनुपस्थिति की अवधि के लिए किसी प्रकार की संविदात्मक रकम का हकदार नहीं होगा।
{ड.} संविदा पर नियुक्त व्यक्ति का, एक स्थान से दूसरे स्थान के लिए स्थानान्तरण किसी भी दशा में अनुज्ञात नहीं किया जाएगा।
{च} चयनित अभ्यर्थी को सरकारी/रजिस्ट्रीकृत चिकित्सा व्यवसायी से अपना आरोग्य प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। बारह सप्ताह से अधिक की गर्भवती महिला प्रसव होने तक अस्थाई तौर पर अनुपयुक्त बनी रहेगी। महिला अभ्यर्थियों का किसी प्राधिकृत चिकित्सा अधिकारी/व्यवसायी द्वारा उपयुक्तता के लिए पुनः परीक्षण किया जाएगा।
{छ} संविदा पर नियुक्त व्यक्ति का, यदि अपने पदीय कर्तव्यों के सम्बन्ध में दौरे पर जाना अपेक्षित हो, तो वह उसी दर पर, जैसी नियमित कर्मचारी का वेतनमान के न्यूनतम पर लागू है, यात्रा भत्ते/दैनिक भत्ते का हकदार होगा।
{ज} सेवा नियमों जैसे एफ0आर0एस0आर0, छुट्टी नियम, जी0पी0एफ0 नियम, पैन्शन नियम और आचरण नियम आदि के उपबन्ध जो नियमित कर्मचारियों को लागू होते हैं संविदा पर नियुक्त व्यक्तियों का लागू नहीं होंगे । वे इस स्तम्भ में दर्शाई गई उपलब्धियों आदि के हकदार होंगे ।
आदेश द्वारा, हस्ताक्षरित/- सचिव (कृषि)।
--------
उपाबन्ध-खउपाबन्ध-खउपाबन्ध-खउपाबन्ध-ख सर्वेयर {पद का नाम} और हिमाचल प्रदेश सरकार के मध्य कृषि निदेशक, हि0प्र0 {नियुक्ति प्राधिकारी का सर्वेयर {पद का नाम} और हिमाचल प्रदेश सरकार के मध्य कृषि निदेशक, हि0प्र0 {नियुक्ति प्राधिकारी का सर्वेयर {पद का नाम} और हिमाचल प्रदेश सरकार के मध्य कृषि निदेशक, हि0प्र0 {नियुक्ति प्राधिकारी का सर्वेयर {पद का नाम} और हिमाचल प्रदेश सरकार के मध्य कृषि निदेशक, हि0प्र0 {नियुक्ति प्राधिकारी का नाम} के माध्यम से निष्पादित की जाने वाली संविदा/करार का प्र्र्र्ररूप।रूप।रूप।रूप। नाम} के माध्यम से निष्पादित की जाने वाली संविदा/करार का प नाम} के माध्यम से निष्पादित की जाने वाली संविदा/करार का प नाम} के माध्यम से निष्पादित की जाने वाली संविदा/करार का प
यह करार श्री/श्रीमती..................................................................... पुत्र/पुत्री श्री ................................................. निवासी ............................................................., संविदा पर नियुक्त व्यक्ति {जिसे इसमें इसके पश्चात् 'प्रथम पक्षकार' कहा गया है}, और हिमाचल प्रदेश की राज्यपाल के मध्य................. {नियुक्ति प्राधिकारी का नाम} {जिसे इसमें इसके पश्चात् 'द्वितीय पक्षकार' कहा गया है} के माध्यम से आज तारीख .......................... को किया गया।
'द्वितीय पक्षकार' ने उपरोक्त प्रथम पक्षकार को लगाया है और प्रथम पक्षकार ने सर्वेयर के रूप में संविदा के आधार पर निम्नलिखित निबन्धन और शर्ताें पर सेवा करने के लिए सहमति दी हैः--
1. यह कि प्रथम पक्षकार सर्वेयर के रूप में .................... से प्रारम्भ होने और ........ को समाप्त होने वाले दिन तक, एक वर्ष की अवधि के लिए द्वितीय पक्षकार की सेवा में रहेगा। यह विनिर्दिष्ट रूप से उल्लिखित किया गया है और दोनों पक्षकारों द्वारा करार पाया गया है कि प्रथम पक्षकार की द्वितीय पक्षकार के साथ संविदा, आखिरी कार्य दिवस् को अर्थात ................. दिन को स्वयं मेव की पर्यवसित {समाप्त} समझी जाएगी आरै सूचना नोटिस आवश्यक नहीं होगा।
2. प्रथम पक्षकार की संविदात्मक रकम 6030/- रुपये प्रतिमास होगी। राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7163 3. प्रथम पक्षकार की सेवा पूर्णतया अस्थाई आधार पर होगी। यदि संविदा पर नियुक्त व्यक्ति का कार्य/आचरण ठीक नहीं पाया जाता है या यदि नियमित पदधारी उस रिक्ति के विरूद्ध नियुक्त/तैनात कर दिया जाता है, जिसके लिए प्रथम पक्षकार को लगाया गया है तो नियुक्ति पर्यवसित {समाप्त} की जाने के लिए दायी होगी।
4. संविदात्मक नियुक्त सर्वेयर एक मास की सेवा पूरी करने के पश्चात् एक दिन के आकस्मिक अवकाश का हकदार होगा। यह अवकाश एक वर्ष तक संचित किया जा सकेगा। संविदात्मक नियुक्त सर्वेयर को किसी भी प्रकार का अन्य कोई अवकाश अनुज्ञात नहीं होगा। वह चिकित्सा प्रतिपूर्ति और एल0टी0सी0 इत्यादि के लिए भी हकदार नहीं होगा/होगी। केवल प्रसूति अवकाश, नियमानुसार दिया जाएगा। 5. नियन्त्रण अधिकारी के अनुमोदन के बिना कर्त्तव्यों से अनधिकृत अनुपस्थिति से स्वतः ही संविदा का पर्यावसान {समापन} हो जाएगा। संविदा पर नियुक्त सर्वेक्षक कर्त्तव्य {डयूटी} से अनुपस्थिति की अवधि के लिए संविदात्मक रकम का हकदार नहीं होगा।
6. संविदा पर नियुक्त कर्मचारी का एक स्थान से दूसरे स्थान के लिए स्थानान्तरण किसी भी दशा में अनुज्ञात नहीं होगा।
7. चयनित अभ्यर्थी को सरकारी/रजिस्ट्रीकृत चिकित्सा व्यवसायी से अपना आरोग्य प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करना होगा। महिला अभ्यर्थीयों की दशा में, बारह सप्ताह से अधिक की गर्भावस्था प्रसव होने तक, उसे अस्थाई तौर पर अनुपयुक्त बना देगी। महिला अभ्यर्थियों का किसी प्राधिकृत चिकित्सा अधिकारी/व्यवसायी द्वारा उपयुक्तता के लिए पुनः परीक्षण किया जाना चाहिए।
8. संविदा पर नियुक्त व्यक्ति का, यदि अपने पदीय कर्त्तव्यों के सम्बन्ध में दौरे पर जाना अपेक्षित हो, तो वह उसी दर पर, जैसी प्रतिस्थानी कर्मचारी को वेतनमान के न्यूनतम पर लागू है, यात्रा भत्ते/दैनिक भत्ते का हकदार होगा/होगी।
9. संविदा पर नियुक्त व्यक्ति{यों} को कर्मचारी सामूहिक बीमा योजना के साथ-साथ इ0पी0एफ0/जी0पी0एफ0 भी लागू नहीं होगा।
इसके साक्ष्यस्वरूप प्रथम पक्षकार और द्वितीय पक्षकार ने साक्षियों की उपस्थिति में इसमें सर्वप्रथम उल्लिखित दिन मास और वर्ष को अपने-अपने हस्ताक्षर कर दिए हैं।
साक्षियों की उपस्थिति में 1. ............................................... ............................................... ............................................... {नाम व पूरा पता} 2. .............................................. ............................................... ................................................ {नाम व पूरा पता} {प्रथम पक्षकार के हस्ताक्षर} साक्षियों की उपस्थिति में 1. ............................................... ............................................... ............................................... {नाम व पूरा पता} 2. .............................................. ............................................... ................................................ {नाम व पूरा पता} {द्वितीय पक्षकार के हस्ताक्षर} 7164 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
[Authoritative English Text of this Department Notification No. Agr.A(3)-5/2007 Dated
30-10-2009 as required under Article 348(3) of the constitution of India].
AGRICULTURE DEPARTMENT
NOTIFICATION
Shimla-2, 30th October, 2009
No. Agr A(3)-5/2007.—In exercise of the powers conferred by proviso to Article 309 of the Constitution of India, the Governor of Himachal Pradesh, in consultation with Himachal Pradesh Public Service Commission, is pleased to made the following Rules further to amend the Himachal Pradesh AgricultureDepartment Surveyor, Class-III,(Non-Gazetted) Recruitment and Promotion Rules, 2000 notified vide this Department Notification No. Agr. A-3(6)/95 Dated 29th January, 2000 namely.
1. Short title and commencement.— (i) These rules may be called the Himachal Pradesh Agriculture Department, Surveyor, Class-III(Non-Gazetted) Recruitment and Promotion Rules (1st Amendment) Rules 2009.
(ii) These rules shall come into force from the date of publication in the Rajpatra, Himachal Pradesh.
2. Amendment of Annexure-"A".—In Annexure-A to the Himachal Pradesh Agriculture Department, Surveyor, Class-III, (Non Gazetted) Recruitment and Promotion Rules, 2000:—
(a) For the existing provisions against Col No. 1, the following shall be substituted.— Rs. 4020-120-4260-140-4400-150-5000-160-5800-200-6200.
(ii) Emoluments for contract employees:Rs.6030-P.M. (As per detail given in Col 15-A.)
(b) In the provision against Col No. 6 for the words and figures "Between 18 years and
38 years", the words and figures, "Between 18 years and 45 years" shall be substituted.
(c) For the existing provisions against Col No. 10 the following shall be substitute namely:— 100% by direct recruitment (50% by direct recruitment (open competition) and 50% batch-wise) on regular basis or by recruitment on contract basis as the case may be.
The contract employees will get emoluments as given in col. No. 15-A and will be governed by service condition as specified in the said column.
(d) For the existing provisions against Col No. 14 the following shall be substituted , namely.—A candidate for appointment to any service or post must be a citizen of India.
(e) After the existing Col. No. 15, the following Col No. 15-A Shall be inserted,
namely:—
15-A, Selection for appointment to the post by contract appointment.—Notwith- standing anything contained these rules contract appointments to the post will be made subject to the terms & conditions given below:—
राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7165 (1) CONCEPT.—(a) Under this policy, the Surveyor in the Department of Agriculture, Himachal Pradesh will be engaged on contract basis initially for one year, which may be extendable on year-to year basis.
(b) POST FALLS WITHIN THE PURVIEW OF HPSSSB.—The Director of Agriculture Himachal Pradesh after obtaining the approval of the Government to fill up the vacant posts on contract basis will place the requisition with the concerned recruiting agency i.e. H.P. Subordinate Service Selection Board, Hamirpur.
(c) The selection will be made in accordance with the eligibility conditions prescribed in these Rules.
(II) CONTRACTUAL EMOLUMENTS.—The Surveyor appointed on contract basis will be paid consolidated fixed contractual amount @ Rs 6030/- P.M. (which shall be equal to initial of the pay scale+ Dearness pay). An amount of Rs. 120/ (equal to annual increase in the minimum/initial start of the pay scale of the post) as annual increase in contractual emoluments for the subsequent year(s) will be allowed if contract is extended beyond one year.
(III) APPOINTING/ DISCIPLINARY AUTHORITY.—The Director of Agriculture, Himachal Pradesh will be appointing and disciplinary authority.
(IV) SELECTION PROCESS.—Selection for appointment to the post in the case of contract appointment will be made on the basis of vivavoce test or if considered necessary or expedient by a written test or practical test the standard/syllabus etc. of which will be determined by the concerned recruiting agency i.e. H.P.SSSB Hamirpur.
(V) COMMITTEE FOR SELECTION OF CONTRACTUAL APPOINTMENTS.—As may be constituted by the concerned recruiting agency i.e. H.P. Subordinate Services Selection Board, Hamirpur for direct recruitment and for batch-wise recruitment the Govt. of H.P./Head of the Department.
(VI) AGREEEMENTS.—After selection of a candidate, he/she shall sign an agreement as per Annexure-B appended to these Rules.
(VII) TERMS AND CONDITIONS.—(a) The contractual appointee will be paid fixed contractual amount @ Rs. 6030/- per month. (which shall be equal to initial of the pay scale + dearness pay) The contract appointee will be entitled for increase in contractual amount @ Rs. 120/- per annum for further extended years and no other allied benefits such as senior/ selection scale etc. will be given.
(b) The service of the contract appointee will be purely on temporary basis. The appointment is liable to be terminated in case the performance/. Conduct of thecontract appointee is not found satisfactory.
(c) contract appointee will be entitled for one day casual leave after putting one month service. This leave can be accumulated upto one year. No leave of any other kind is admissible to the contract appointee. He/she shall not be entitled for medical reimbursement and L.T.C. etc. Only maternity leave will be given as per Rules.
` (d) Unauthorized absence from the duty without the approval of the controlling officer shall automatically lead to the termination of the contract. Contract appointee shall not be entitled for contractual amount for the period of absence from duty.
7166 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
(e) Transfer of a contract appointee will not be permitted from one place to another in any case.
(f) Selected candidate will have to submit a certificate of his/her fitness from a Government/ Registered Medical Practitioner. Women candidate pregnant beyond twelve weeks will stand temporarily unfit till the confinement is over. The women candidate will be reexamined for fitness from an authorized Medical Officer/Practitioner.
(g) Contract appointee will be entitled to TA/DA if required to go on tour in connection with his/her official duties at the same rate as applicable to regular officials at the minimum of the pay scale.
(h) Provisions of service rules like F.R. S.R., leave rules, F.P.F., Rules, Pension Rules and Conduct Rules etc. as are applicable in case of regular employees will not be applicable in case of contract appointees. They will be entitledfor emoluments etc. as detailed in this column.
By order, Sd/- Secretary.
_________
"Annexure-B"
Form of contract/agreement to be executed between the Surveyor and the Government of
Himachal Pradesh through Director of Agriculture.
This agreement is made on this ----------------------day of --------------------------in the year between Shri/Smt.-----------------------S/OD/O Shri --------------------R/O--------------------------------- -----------------------------------------------------contract appointee (hereinafter called the FIRST PARTY , AND the Governor of Himachal Pradesh through Director of Agriculture , Himachal Pradesh (hereinafter the SECOND PARTY).
Whereas the SECOND PARTY has engaged the aforesaid FIRST PARTY and the FIRST PARTY has agreed to serve as a Surveyor on contract basis on the following terms and conditions:—
1. That the FIRST PARTY shall remain in the service of the SECOND PARTY as a Surveyor for a period of one year commencing on day of and the ending on the day of -----------. It is specifically mentioned and agreed upon by both the parties that the contract of the FIRST PARTY with SECOND PARTY shall ipso-facto stand terminated on the last working day i.e. on -----------------------------And information notice shall not be necessary.
2. The contractual amount of the FIRST PARTY will be Rs.6030 /- per month.
3. The service of the FIRST PARTY will be purely on temporary basis. The appointment is liable to be terminated in case the performance/conduct of the contract appointee is not found good or if a regular incumbent is appointed/posted against the vacancy for which the first party was engaged on contract.
4. Contractual Surveyor will be entitled for one day casual leave after putting in one month service. This leave can be accumulated upto one year. No leave of any kind is admissible to the contractual Surveyor. He will not be entitled for medical reimbursement and LTC etc. Only maternity leave will be given as per rules.
राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7167 5. Unauthorized absence from the duty without the approval of the controlling Officer shall automatically lead to the termination of the contract. A contractual Surveyor will not be entitled for contractual amount for the period of absence from duty.
6. Transfer of a official appointed on contract basis will not be permitted from one place to another in any case.
7. Selected candidate will have to submit a certificate of his/her fitness from a Government/Registered Medical Practitioner. In case of Women candidates pregnancy beyond twelve weeks will render her temporarily unfit till the confinement is over. The women candidate should be re-examined for fitness from an authorized Medical Officer/Practitioner.
8. Contract appointee shall be entitled to TA/DA if required to go on tour in connection with his official duties at the same rate as applicable to regular counterpart official at the minimum of pay scale.
9. The Employees Group Insurance Scheme as well as EPF/GPF will not be applicable to the contractual appointee(s).
IN WITNESS the FIRST PARTY AND SECOND PARTY has herein to set their hands the day, month and year first, above written.
1. IN THE PRESENCE OF WITNESS:
1 ----------------------
----------------------
----------------------
(Name and full address)
2. -----------------------
-----------------------
-----------------------
(Name and Full Address) (Signature of the FIRST PARTY) 1. IN THE PRESENCE OF WITNESS:
1 ----------------------
----------------------
----------------------
(Name and full address)
2. -----------------------
-----------------------
-----------------------
(Name and Full Address) (Signature of the SECOND PARTY) 7168 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
सामान्य प्रशासन विभागसामान्य प्रशासन विभागसामान्य प्रशासन विभागसामान्य प्रशासन विभाग (डी अनुभाग)
अधिसूचना
शिमला-02, 11 मार्च, 2010
संख्याः जी0ए0डी0-डी0-7(जी)1संख्याः जी0ए0डी0-डी0-7(जी)1संख्याः जी0ए0डी0-डी0-7(जी)1संख्याः जी0ए0डी0-डी0-7(जी)1-12/81-1-12/81-1-12/81-1-12/81-1....--------हिमाचल प्रदेश की राज्यपाल, फण्डामैंटल रूल्ज के रूल 45 द्वारा प्रदत्त शक्तियाों का प्रयोग करते हुए, इस विभाग की अधिसूचना संख्याः जी0ए0डी0- डी0-7 (जी) 1-12/81, तारीख प्रथम जनू, 1994 द्वारा अधिसूचित और राजपत्र, हिमाचल प्रदेश (असाधारण) में 18 जुलाई, 1994 को प्रकाशित हिमाचल प्रदेश सरकारी आवास आबंटन (सामान्य पूल) नियम, 1994 का और संशोधन करने के लिए निम्नलिखित नियम बनाती हैं, अर्थात्ः--
1111.... संसिंसिंसिंक्षिप्त नाम और प्रारम्भक्षप्त नाम और प्रारम्भक्षप्त नाम और प्रारम्भक्षप्त नाम और प्रारम्भ....--------(1) इन नियमों का संक्षिप्त नाम हिमाचल प्रदेश सरकारी आवास आबंटन (सामान्य पूल) संशोधन नियम, 2010 है।
(2) ये नियम तुरन्त प्रभाव से प्रवृत्त होंगे।
1111.... नियम 2 का संशोधननियम 2 का संशोधननियम 2 का संशोधननियम 2 का संशोधन....--------हिमाचल प्रदेश सरकारी आवास आबंटन (सामान्य पूल) नियम, 1994 (जिन्हें इसमें इसके पश्चात् 'उक्त नियम कहा गया है) के नियम 2 के खण्ड (ट) के पश्चात् निम्नलिखित खण्ड (ठ) अन्तःस्थापित किया जाएगा, अर्थात्ः--
''(ठ) "सचिव'' से सचिव (सामान्य प्रशासन विभाग) हिमाचल प्रदेश सरकार अभिप्रेत है।
टिप्पणःटिप्पणःटिप्पणःटिप्पणः विद्यमान उप खण्डों (ट), (ठ), (ड) और (ढ) को (ड), (ढ), (ण) और (त) के रूप में पुनः संख्यांिकत किया जाएगा।''
3333.... नियम 3 का संशोधननियम 3 का संशोधननियम 3 का संशोधननियम 3 का संशोधन....--------उक्त नियमों के नियम 3 के उप नियम (3) में, स्पष्टीकरण के पश्चात् निम्नलिखित परन्तुक जोडे़ जाएंगेे, अर्थात्ः--
परन्तु जिन अधिकारियों/कर्मचारियों के पास अपने नाम में या अपने परिवार के किसी सदस्य के नाम से मकान है तो उन्हें सरकारी आवास आबंंिटत होने के पश्चात् इस तथ्य की सूचना प्रत्येक वर्ष जनवरी मास में निदेशक, सम्पदा/सम्पदा अधिकारी को विहित घोषणा द्वारा देनी होगी, ऐसा न करने पर यह मान लिया जाएगा कि उनके पास अपना मकान है और फण्डामैंटल रूल्ज के नियम 45 के उपबन्धों के अनुसार अंतिम वर्ग के लिए बढ़ाया गया अनुज्ञप्ति शुल्क उनसे प्रभारित किया जाएगा :
परन्तु यह और कि यदि किसी वैयक्तिक आबंटिती द्वारा मिथ्या सूचना दी गई है तो उसके विरूद्ध अनुशासनिक कार्रवाई की जाएगी और साथ ही ऐसे आबंटन को रद्द कर दिया जाएगा :
परन्तु यह और भी कि निदेशक सम्पदा/सम्पदा अधिकारी, ऐसे अधिकारियों/कर्मचारियों जिनको वरिष्ठता पर या बिना बारी के आवास आबंटित किया गया है, को तब तक आबंटन आदेश जारी नहीं करेगा जब तक कि वे अपने मकान की बाबत विहित प्ररूप में शपथ पत्र के रूप में घोषणा प्रस्तुत नहीं कर देते। 4444.... नियम 6 का संशोधननियम 6 का संशोधननियम 6 का संशोधननियम 6 का संशोधन....--------उक्त नियमों के नियम 6 के उप नियम (3) के नीचे निम्नलिखित परन्तुक जोड़ा जाएगा, अर्थात् :--
''परन्तु यह कि सरकारी निवास आवास के आबंटन के लिए आवेदन केवल एक आबंटन वर्ष के लिए ही विधिमान्य होगा।'' राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7169 5555.... नियनियनियनियम 7 का संशोधनम 7 का संशोधनम 7 का संशोधनम 7 का संशोधन....--------उक्त नियमों के नियम 7 में,ं ''निदेशक'' शब्द जहां-जहां भी आता है, के स्थान पर ''सचिव (सामान्य प्रशासन विभाग) हिमाचल प्रदेश सरकार'' शब्द रखे जाएंगे।
6666.... नियम 8 का संशानियम 8 का संशानियम 8 का संशानियम 8 का संशोधनेधनेधनेधन....--------उक्त नियमों के नियम 8 में,
(क) उप नियम (2) के नीचे निम्नलिखित परन्तुक जोडे़ जाएंगे अर्थात् :--
''परन्तु सरकारी कर्मचारी की सेवानिवृत्ति या मृत्यु के समय ऐसी पत्नी/पति/पुत्र या अविवाहित पुत्री हिमाचल प्रदेश सरकार में कार्यरत थी तथा उसके साथ रह रहा था/रह रही थी तथा पिछले तीन वर्षों से या उस स्थान पर नियुक्ति/स्थानान्तरण की तारीख से, जो भी सुसंगत हो, आवास किराया भत्ता नहीं ले रहा था/ले रही थी :
परन्तु यह और कि मृत्यु की दशा म,ें पति-पत्नी/प्रतिपाल्य को आवास आबंटित किया जा सकेगा, यदि वह आबंटित की मृत्यु की तारीख से एक वर्ष की अनुज्ञेय अवधि के भीतर सरकारी सेवा में नियुक्त हो जाता है :
परन्तु यह और कि सेवानिवृत्त/मृतक आबंटी का पति-पत्नी/प्रतिपाल्य सेवानिवृत्त या मृतक द्वारा अधिभोग में रखे परिसर की बाबत समस्त बकाया देयों को चुकता करेगा :
परन्तु यह और भी कि आवास के बिना बारी आबंटन हेतु आवेदन, विहित प्रपत्र में समर्थक दस्तावेजों सहित प्रस्तुत किया जाएगा और ऐसा आवेदन केवल उस आबंटन वर्ष के लिए ही विधिमान्य होगा।'' (ख) उप नियम (9) (प) के द्वितीय परन्तुक के स्थान पर निम्नलिखित परन्तुक रखा जाएगा, अर्थात्ः- ''परन्तु यह और कि उप खण्ड (i) के अधीन आवास के आबंटी को इन नियमों के उपबन्धों के अनुसार अनुज्ञप्ति शुल्क संदत्त करेगा और समाचार पत्र या समाचार एजैंसी जिसमें वह नियोजित है, द्वारा उसे संदत्त आवास किराया भत्ता भी संदत्त करेगा/करेगी। इस बाबत उसे कोई भी छटू अनुज्ञये नहीं होगी।'' (ग) उप नियम (9) के खण्ड (iii) के नीचे परन्तुक में ''तदर्थ आबंटन'' शब्दों के पश्चात् परन्तु ''प्रत्येक वर्ग'' शब्दों से पूर्व ''दिए गए आबंटन वर्ष के दौरान'' शब्द अन्तःस्थापित किए जाएंगे।
(घ) उप नियम (9) के खण्ड (iii) के नीचे परन्तुक के पश्चात् निम्नलिखित नए परन्तुक रखे जाएंगे, अर्थात् :--
''परन्तु यह और कि पै्रस संवाददाताओं के लिए केवलवर्ग-4 तक के बीस आवासों का अलग पूल होगा :
परन्तु यह और भी कि सरकारी आवास का आबंटन केवल प्रत्यायन की अवधि के लिए ही विधिमान्य होगा।''
7777.... नियम 10 का संशोधननियम 10 का संशोधननियम 10 का संशोधननियम 10 का संशोधन....--------नियम 10 के उप नियम (2) के अधीन स्पष्टीकरण 4 के नीचे विद्यमान परन्तुकों के स्थान पर निम्नलिखित नए परन्तुक रखे जाएंगे, अर्थात् :--
''परन्तु सचिव (सामान्य प्रशासन विभाग) हिमाचल प्रदेश सरकार किसी विशेष मामले में उप नियम (2) के अधीन अनुज्ञये अवधि से परे पूल्ड अनुज्ञप्ति शुल्क के चार गुणा के संदाय पर और आगे आवास रखे रखने के लिए, तीन मास से अनधिक अवधि के लिए, अनुज्ञात कर सकेगा :
परन्तु यह और कि मुख्य सचिव, हिमाचल प्रदेश सरकार नितान्त अनुकम्पा परिस्थितियों में पूल्ड अनुज्ञप्ति शुल्क के आठ गुणा संदाय पर तीन मास से अनधिक अवधि के लिए आवास रखे रखने के लिए अनुज्ञात कर सकेगा। तथापि मुख्य सचिव निम्नलिखित चार्ट के अनुसार किराए के संदाय पर छह मास से अनधिक अवधि के लिए आवास रखे रखने के लिए अनुज्ञा भी दे सकेगा :-- 7170 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 1. वर्ग-1
3000/- रूपए प्रतिमास 2. वर्ग-2
6000/- रूपए प्रतिमास 3. वर्ग-3
9000/- रूपए प्रतिमास 4. वर्ग-4
12000/-रूपए प्रतिमास 5. वर्ग-5
15000/- रूपए प्रतिमास 6. वर्ग-6
18000/- रूपए प्रतिमास 7. वर्ग-7 और इससे ऊपर
30000/- रूपए प्रतिमास परन्तु यह और कि विस्तारण हेतु आवेदन प्राधिकृत अवधि के अवसान से एक मास पूर्व देना होगा :
परन्तु यह और कि विस्तारण पत्र केवल कुल किराए को अग्रिम में प्राप्ति के पश्चात् ही जारी किया जाएगा। कुल किराए को जमा करने में असफल रहने की दशा मेेें, बेदखली की कार्य-वाहियां तुरन्त प्रारम्भ की जाएंगी जो तीन मास के भीतर पूर्ण कर ली जाएगी :
परन्तु यह और कि यदि कोई आबंटी शैक्षणिक सत्र के मध्य में स्थानान्तरित या सेवानिवृत्त हो जाता है/जाती है और उसके बच्चे, उसकी वर्तमान तैनाती के स्थान पर, यथास्थिति, स्कूल /महाविद्यालय/विश्वविद्यालय में शिक्षा ग्रहण कर रहे हों तो आबंटी को प्रत्येक मामले में गुणागुण आधार पर सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा उस चालू शैक्षणिक वर्ष के समाप्त होने तक, सम्बन्धित संस्थान से इस प्रभाव का प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने के अध्यधीन, आवास को रखे रखना अनुज्ञात किया जा सकेगा। ऐसे मामले में प्रभार्य अनुज्ञप्ति शुल्क नियमों के अधीन अनुज्ञात छूट की अवधि से परे की अवधि के लिए पूल्ड मानक अनुज्ञप्ति शुल्क के, यथास्थिति, सेवानिवृत्ति या स्थानान्तरण की दशा में, चार गुणा होगी :
परन्तु यह और कि अधिकारी/कर्मचारी जो भारत से बाहर विदेश सेवा और भारत से बाहर प्रतिनियुक्ति पर, भारत में और भारत से बाहर विदेश में अध्ययन अवकाश पर जाता है तो किसी अधिकारी/कर्मचारी के सम्बन्धित विभाग द्वारा सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग के पूर्व अनुमोदन से ऐसे आदेशों के निबन्धनों और शर्ताें में यह उपबन्ध करना अपेक्षित है कि वह सरकारी निवासीय आवास यदि कोई आबंटित किया गया है, को केवल नियमों के उपबन्धों के अनुसार ही अपने परिवार के वास्तविक प्रयोजन के लिए रख सकता है :
परन्तु यह और भी कि उपरोक्त वर्णित दशाआें में अधिकारियों/कर्मचारियों को यह शपथ पत्र देना होगा कि उन्हें आबंटित सरकारी आवास का उपयोग केवल उनके परिवार वास्तविक प्रयोजन के लिए ही करेंगे और यदि किसी भी समय यह पाया जाता है कि आवास का उपयोग उनके परिवार के वास्तविक प्रयोजन के लिए नहीं किया जा रहा है, तो सरकार किसी अन्य अनुशासनात्मक कार्रवाई, जो उसके विरूद्ध की जा सकेगी पर प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना, आवासका आबंटन रद्द कर सकेगी ।
8888.... नियम 15 का संशोधननियम 15 का संशोधननियम 15 का संशोधननियम 15 का संशोधन....--------नियम 15 का लोप किया जाएगा।
9999.... नियम 18-अ का संशोधननियम 18-अ का संशोधननियम 18-अ का संशोधननियम 18-अ का संशोधन....--------उक्त नियमों के नियम 18-अ के उप नियम (1) के स्थान पर निम्नलिखित रखा जाएगा, अर्थात्ः--
''(1) जब इन नियमों में अन्तर्विष्ट किसी उपबन्ध के अधीन आबंटन रद्द किया जा चुका है या रद्द समझा गया है,़ उसके पश्चात् ऐसा आवास जिसको आबंटित किया गया था, के अधिभोग या उसके माध्यम से दावा करने वाले व्यक्ति के अधिभोग में रहता है तो ऐसे अधिकारी/कर्मचारी से आवास के प्रयोग और अधिभोग के लिए सेवाएं, फर्नीचर और बगीचा प्रभारों,जो 18/-रूपए प्रति वर्ग फुट की दर से संगणित किए जाएगें, के लिए नुकसानी सदत करने का दायी होगा।'' राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7171 10101010.... नियम 19 का संशोधननियम 19 का संशोधननियम 19 का संशोधननियम 19 का संशोधन....--------उक्त नियमों के नियम 19 में,
(क) उप नियम (1) के खण्ड (iii) के पश्चात निम्नलिखित खण्ड अन्तःस्थापित किए जाए अर्थात्ः-- ''(iv) सर्वेन्ट क्वार्टर पूल (v) गराज पूल।''
(ख) उप नियम 3 के खण्ड (ग) के पश्चात् निम्नलिखित खण्ड अन्तःस्थापित किया जाएगा,अर्थात्ः-- ''(घ) वर्ग-4 और इससे ऊपर के आवास के लिए हकदार अधिकारी सर्वेन्ट क्वार्टर और गराज के पात्र होंगें। आबंटन नियम 19 के अधीन आबंटन सचिव (सामान्य प्रशासन विभाग) हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा किया जाएगा।''; और
(ग) उप नियम (6) के खण्ड (ख) के स्थान पर निम्नलिखित रखा जाएगा, अर्थात्--
परगमन (ट्रांंिजट) आवास का अनुज्ञप्ति शुल्क निम्न प्रकार से प्रभारित किया जाएगाः-- (i) सांझी शौचालय सुविधा सहित एक कमरे 80/-रूपए प्रतिमास। वाला आवास (वर्ग-IV कर्मचारियों के लिए) (ii) अलग शौचालय की सुविधा सहित एक 140/-रूपए प्रतिमास। कमरे वाला आवास (वर्ग-III एवं IV कर्मचारियों के लिए)
(iii) दो कमरे वाला आवास (वर्ग-III 260/-रूपए प्रतिमास। कर्मचारियों के लिए) ।
(iv) दो कमरे वाला आवास (वर्ग-I एवं 400/-रूपए प्रतिमास। वर्ग-II कर्मचारियों के लिए)
(v) सर्वेन्ट क्वार्टर 80/-रूपए प्रतिमास। (vi) गराज 80/-रूपए प्रतिमास।
आदेश द्वारा, हस्ताक्षरित/- सचिव।
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[Authoritative English Text of this Department's Notification No.GAD-D-7(G)1-12/81-I,
dated the 11-03-2010 as required under Clause(3) of article 348 of the Constitution of India].
GENERAL ADMINISTRATION DEPARTMENT
(Section-D)
NOTIFICATION
Shimla-2, the 11th March, 2010
No. GAD-D-7(G)1-12/81-I.—In exercise of the powers conferred under rule 45 of the Fundamental Rules, the Governor, Himachal Pradesh, is pleased to make the following rules further to amend the Himachal Pradesh Allotment of Government Residences (General Pool) Rules,1994, 7172 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
notified vide this Department's notification No.GAD-7(G)1-12/81, dated the Ist June,1994 and published in Rajpatra,Himachal Pradesh (Extra Ordinary) on 18th July,1994 namely:—
1. Short title and Commencement.—(1) These rules may be called the Himachal Pradesh Allotment of Government Residences(General Pool) Amendment Rules, 2010.
(2) These rules shall come into force with immediate effect.
2. Amendment of Rule-2.— In Rule-2of the Himachal Pradesh Allotment of Government Residences(General Pool) Rules,1994(hereinafter, referred to as the said rules), after clause(k), the following new clause(L) shall be inserted:—
"(L)"Secretary" means Secretary(GAD) to the Government of Himachal Pradesh".
NOTE.—The existing sub-clauses l,m,n & o shall be re-numbered as 'm', 'n', 'o' & 'p'.
3. Amendment of Rule-3.—In Rule-3 of the said rules,in sub rule(3),after Explanation, following provisos shall be added:—
"Provided that the officers/officials who owns a house either in his name or in the name of any member of his family after the allotment of Government accommodation shall have to notify the fact to the Director of Estates/Estate Officer every year in the month of January in the shape of declaration prescribed failing which it will be presumed that they have their own house and the enhanced license fee of last category in accordance with the provisions of Rule-45 of the Fundamental Rules shall be charged:
Provided further that, in case, any false information is supplied by any individual allottee, disciplinary action will be taken against him and simultaneously such allotment will be cancelled:
Provided further that the Director of Estates/Estate Officers shall not issue any allotment orders to the officers/officials who have been allotted accommodation on seniority or on out of turn basis unless they submit a declaration regarding their own house on the prescribed proforma in the shape of an affidavit."
Amendment of 4. In Rule-6 of the said rules, below sub-rule(3), following Rule-6 proviso shall be added:—
"Provided that the applications for allotment of Govt. residential accommodation will be valid for one allotment year only."
5. Amendment of Rule-7.—In Rule-7 of the said rules, the word 'Director' wherever appearing, shall be substituted by "Secretary" (GAD) to the Govt. of Himachal Pradesh".
6. Amendment of Rule-8.—In Rule-8 of the said rules—
(a) below sub-rule(2), the following proviso's shall be added; namely:—
"Provided that such wife/ husband/ son or unmarried daughter was serving the H.P.Government at the time of retirement or death of the Govt. servant and residing with him/her and not claiming HRA for the last 3 years or since the date of appointment/transfer in the station whichever is relevant:
राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7173 Provided further that in case of death, the spouse/ward may be allotted accommodation if he is appointed to Govt. service within the permissible period of one year from the date of death of the allottee.
Provided further that the spouse/ward of the retired/deceased allottee shall clear all the outstanding dues in respect of premises occupied by the retiree or deceased.
Provided further that the application in prescribed proforma for allotment of accommodation on out of turn basis will be submitted alongwith the supporting documents and such application shall be valid for that allotment year only.
(b) In sub rule-9 (i), for proviso-2, the following proviso shall be substituted as under:—
"Provided further that an allottee of accommodation under sub-clause(i) shall pay the license fee as per provisions of these rules and shall also pay the house rent allowance paid to him/her by the Newspaper or News Agency in which he/she is employed. No exemption in this regard shall be permissible;"
(c) In proviso below clause (iii) of sub-rule(9) after the words "each category" but, before the word, sign and roman figure "Type-IV", the words "during the given allotment year" shall be inserted.
(d) In sub rule-(9), after proviso below clause(iii), following new proviso's shall be added; namely:—
"Provided further that there will be a separate pool for Press Correspondents having 20 residences upto Type-IV only:
Provided further that allotment of Govt. accommodation shall be valid only for the period of accreditation.
7. Amendment of Rule-10.— Below Explanation-4 under sub-rule(2) of Rule-10, for the existing proviso's, the following new provisos shall be substituted; namely:—
"Provided further that the Secretary(GAD) to the Govt. of Himachal Pradesh may allow further retention in a special case beyond the permissible period under sub-rule(2), for a period not exceeding 3 months on payment of four times of the pooled license fee:
Provided further that the Chief Secretary, Himachal Pradesh Government may allow further retention on extreme compassionate grounds for a period not exceeding 3 months on payment of 8 times of the pooled license fee. However, Chief Secretary may allow further retention for a period not exceeding 6 months on payment of rent as per following chart:—
1. Type-I Rs. 3,000/-PM 2. Type-II Rs. 6,000/-PM 3. Type-III Rs. 9,000/-PM 4. Type-IV Rs. 12,000/-PM 5. Type-V Rs. 15,000/-PM 6. Type-VI Rs. 18,000/-PM 7. Type-VII Rs. 30,000/-PM & above 7174 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
Provided further that the application for extension shall be given one month before the expiry of the authorized period:
Provided further that the extension letter shall be issued only after receipt of total rent in advance. In case of failure to deposit the total rent, eviction proceedings shall be initiated immediately which shall be completed within three months:
Provided further that if any allottee is transferred or retires in the mid-academic session and his/her children are receiving education in School/College or University, as the case may be, at the place of his/her present posting, the allottee may be allowed by the Department in G.A.D. on the basis of merits of each case to retain the accommodation till that current academic year is completed subject to production of certificate from the concerned institution to this effect. License fee chargable in such case will be four times of the pooled standard license fee for the period beyond the concessional period permitted under the rules in cases of retirement or transfer, as the case may be:
Provided further that in case of officer/official who proceeds on foreign service abroad and on deputation out side India, study leave in India and abroad, the department concerned of any officer/official are required to make the provision in terms and conditions of such orders with prior approval of the Government in General Administration Department that he/she can retain the Government residential accommodation, if any allotted only for the bonafide purpose of his/her family as per provisions of the rules:
Provided further that officers/officials in the events mentioned above shall furnish an affidavit that the Government accommodation allotted to him/her shall be used only for the bonafide purpose of his/her family and in case it is found at any time that the accommodation is not used for the bonafide purpose of his/her family, the Government may without prejudice to any other disciplinary action that may be taken against him/her, cancel the allotment of residence." 8. Amendment of Rule-15.—Rule-15 shall be deleted.
9. Amendment of In Rule-18A.—Rule-18A of the said rules, for sub rule(1), the following shall be substituted, namely:—
"Whereafter an allotment has been cancelled or is deemed to be cancelled under any provision contained in these rules, the residence remains, in occupation of the officer/official to whom it was allotted or a person claiming through him, such officer/official shall be liable to pay damages for use and occupation of the residence, services, furniture and garden charges calculated at the rate of Rs.18/- per sq. foot."
10. Amendment of In Rule-19.—Rule-19 of the said rules,
(a) in sub rule(1),after clause (iii),following clause shall be inserted, namely:-
"(iv) Servant Quarter Pool
(v) Garage Pool";
(b) In sub rule 3, after clause(c), following clause shall be inserted,namely:—
(d) "The officers entitled for type-IV and above accommodation shall be eligible for the allotment of a servant quarter and garage. The allotment under Rule- 19 shall be made by the Secretary(GAD) to the Govt. of H.P"; and राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7175 (c) In sub-rule-6, for clause(b), the following shall be substituted, namely:—
"The license fee of Transit Accommodation shall be charged as under:
(i) Single room accommodation with Rs.80/-P.M. common latrines( for Class-IV employees)
(ii) Single room accommodation with Rs.140/-P.M. separate latrines(for Class-III & IV employees)
(iii) Double room accommodation(for Rs.260/-P.M. Class-III employees)
(iv) Double room accommodation(for Rs.400/-P.M. Class-I & II Officers)
(v) Servant Quarter
Rs.80/-P.M.
(vi) Garage
Rs.80/-P.M".
By order, Sd/- Secretary.
___________
हिमाचल प्रदेश विधान सभा सचिवालयहिमाचल प्रदेश विधान सभा सचिवालयहिमाचल प्रदेश विधान सभा सचिवालयहिमाचल प्रदेश विधान सभा सचिवालय
निर्वाचन की सूचना निर्वाचन की सूचना निर्वाचन की सूचना निर्वाचन की सूचना
शिमला-171004, 9 मार्च, 2010
प्ररूप-1
(नियम-3 देखिए)
एतद्द्वारा सूचना दी जाती है कि :एतद्द्वारा सूचना दी जाती है कि :एतद्द्वारा सूचना दी जाती है कि :एतद्द्वारा सूचना दी जाती है कि :
(1) हिमाचल प्रदेश विधान सभा के निर्वाचित सदस्यों द्वारा राज्य सभा के लिए सदस्य का निर्वाचन होना है;
(2) नाम निर्देशन-पत्र रिटर्निंग ऑफिसर (सचिव, हिमाचल प्रदेश विधान सभा) या सहायक रिटर्निंग ऑफिसर (अवर सचिव, हिमाचल प्रदेश विधान सभा) को अभ्यर्थी या उसके किसी प्रस्थापक द्वारा 16 मार्च, 2010 (मंगलवार) से अपश्चात् (लोक अवकाश के दिन से भिन्न) किसी दिन 11.00 बजे पूर्वाह्न और 3.00 बजे अपराह्न के मध्य सचिव, हिमाचल प्रदेश विधान सभा के कमरे (प्रशासनिक भवन) शिमला-171004, में परिदत्त किए जा सकेंगे;
(3) नाम निर्देशन-पत्र के प्रारूप पूर्वोक्त स्थान और समय पर अभिप्राप्त किए जा सकेंगे;
(4) नाम निर्देशन-पत्र संवीक्षा के लिए सचिव, हिमाचल प्रदेश विधान सभा, शिमला-171004 के कमरे (प्रशासनिक भवन) में 17 मार्च, 2010 (बुधवार) प्रातः 11.00 बजे लिए जाएंगे;
7176 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 (5) अभ्यर्थिता वापस लेने की सूचना अभ्यर्थी या उसके प्रस्थापक या उसके निर्वाचन अभिकर्त्ता द्वारा (जो अभ्यर्थी द्वारा उसे परिदत्त करने के लिए लिखित में प्राधिकृत किया गया हो) ऊपर पैरा (2) में विनिर्दिष्ट ऑफिसरों में से किसी को उसके कार्यालय में 19 मार्च, 2010 (शुक्रवार) को 3.00 बजे अपराह्न से पूर्व परिदत्त की जा सकेगी;
(6) निर्वाचन लड़े जाने की दशा में 26 मार्च, 2010 (शुक्रवार) की प्रातः 9.00 बजे और अपराह्न 4.00 बजे के बीच मतदान होगा।
हस्ताक्षरित, रिटर्निंग ऑफिसर, हिमाचल प्रदेश से राज्य सभा के निर्वाचन के लिए। शिमला-171004 तारीख : 9 मार्च, 2010
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HIMACHAL PRADESH VIDHAN SABHA SECRETARIAT
NOTICE OF ELECTION
Shimla-171004, the 9th March, 2010
Form No.-1
(See Rule-3)
Notice is hereby given that :
1. An election is to be held of a Member to the Council of States by the elected members of the Himachal Pradesh Legislative Assembly.
2. Nomination papers may be delivered by a candidate or any of his proposer to the Returning Officer (Secretary, Himachal Pradesh Vidhan Sabha) or Assistant Returning Officer Under Secretary, Himachal Pradesh Vidhan Sabha in the room of Secretary, Himachal Pradesh Vidhan Sabha (Administrative Block), Shimla-171004, between 11.00 A. M. and 3.00 P.M. on any day (other than public holiday) not later than 16th March, 2010 (Tuesday).
3. Forms of nomination paper may be obtained at the place and times aforesaid;
4. Nomination papers will be taken up for scrutiny in the room of the secretary, Himachal Pradesh Vidhan Sabha (Administrative Block), Shimla-171004 on the 17th March, 2010 (Wednesday) at 11.00 A. M.
5. Notice of withdrawal of candidature may be delivered either by a candidate or his proposer or his election agent (who has been authorized in writing by the candidate to deliver it) to either of the officers specified in paragraph (2) above at his office before 3.00 P. M. on the 19th March, 2010 (Friday);
राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7177 6. In the event of the election being contested, the poll will be taken on the 26th March, 2010 (Friday) between the hours 9.00 A. M. and 4.00 P. M.
Sd/-
Returning Officer,
For election to the Council of State,
Himachal Pradesh.
Shimla-171004. Dated : the 9th March, 2010
_________
ब अदालत श्री वाई0 पी0 एस0 वर्मा (हि0 प्र0 से0), मैरिज ऑफिसर एवं उप-मण्डल दण्डाधिकारी, भोरंज, जिला हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश
श्री मेहर सिंह पुत्र श्री भोला राम, गांव मुण्डखर, डा0 मुण्डखर, तहसील भोरंज, जिला हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश।
श्रीमती गीता पुत्री श्री नूप राम, गांव दलानी, डा0 गलानी, तहसील कुमारसेन, जिला शिमला, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
प्रार्थना-पत्र अधीन धारा 16 ऑफ स्पैशल मैरिज ऐक्ट, 1954 के अन्तर्गत शादी पंजीकरण करने बारे। उपरोक्त मुकद्दमा में श्री मेहर सिंह व गीता ने दिनांक 5-10-2009 को हिन्दू रीति-रिवाज के अनुसार सन्तोषी माता मन्दिर लदरौर में शादी कर ली है, जिसे स्पैशल मैरिज ऐक्ट, 1954 के अन्तर्गत पंजी—त किया जाना है।
अतः आम जनता एवं उनके रिश्तेदारों को सूचित किया जाता है कि उक्त शादी पंजीकरण करने बारा किसी व्यक्ति को कोई उजर या एतराज हो तो वह दिनांक 31-3-2010 को सुबह 10.00 बजे या इससे पहले असालतन या वकालतन हाजर अदालत होकर पेश करें अन्यथा शादी पंजीकरण करने बारे आगामी कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।
आज दिनांक 19-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी किया गया।
मोहर।
वाई0 पी0 एस0 वर्मा, मैरिज ऑफिसर एवं उप-मण्डल दण्डाधिकारी,
भोरंज, जिला हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश।
------ ब अदालत श्री रविन्द्र सिंह, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, ढटवाल स्थित बिझड़, जिला हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश
श्री ज्ञान सिंह पुत्र श्री राम सिंह, वासी टीका कच्छवीं, तप्पा व उप-तहसील ढटवाल, जिला हमीरपुर, . . प्रार्थी। हिमाचल प्रदेश
बनाम
आम जनता
7178 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 विषय.--प्रार्थी के नाम की दरुस्ती बारे प्रार्थना-पत्र।
प्रार्थी श्री ज्ञान सिंह पुत्र श्री राम सिंह, वासी टीका कच्छवीं, तप्पा व उप-तहसील ढटवाल, जिला हमीरपुर ने इस न्यायालय में अपने नाम की दरुस्ती हेतु प्रार्थना-पत्र प्रस्तुत किया है। प्रार्थी ने इस बारे शपथ-पत्र भी प्रस्तुत किया है। प्रार्थी का असली नाम ज्ञान सिंह ही है व शिक्षा अभिलेख में भी ज्ञान सिंह ही है परन्तु राजस्व रिकार्ड (गांव कच्छवीं व गांव कनहड के रिकार्ड में) में ज्ञान चन्द की जगह ज्ञान सिंह दर्ज किया जाना उचित है।
इस इश्तहार द्वारा जनसाधारण को सूचित किया जाता है कि यदि किसी व्यक्ति को इस बारे कोई आपत्ति हो तो वह 23-3-2010 को इस न्यायालय में पेश होकर अपना उजर/एतराज पेश कर सकता है। बाद में आने पर कोई एतराज/उजर मान्य नहीं होगा। बाद में नियमानुसार आदेश पारित कर दिए जाएंगे। आज दिनांक 23-3-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर।
रविन्द्र सिंह,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
ढटवाल स्थित बिझड़, जिला हमीरपुर, हिमाचल प्रदेश।
------- ब अदालत सहायक समाहर्ता द्वितीय श्रेणी, थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश मुकद्दमा तकसीम नं0 14-9-STT तारीख पेशी : 29-3-2010 श्रीमती सवित्री देवी पुत्री श्री गुलावा पुत्र श्री गीगा, निवासी महाल सन्हू, मौजा बन्दाहू, उप-तहसील थुरल, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0।
बनाम
बंशी राम पुत्र व श्रीमती सिमरो देवी पुत्री श्री गुलावा, निवासी महाल सन्हू, उप-तहसील थुरल। 1. बंशी राम पुत्र, 2. श्रीमती सिमरो देवी पुत्री श्री गुलावा, निवासी महाल सन्हू, मौजा बन्दाहू, उप-तहसील थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
विषय.--तकसीम भूमि खाता नं0 35, खतौनी नम्बर 39, खसरा नं0 कित्ता 13, रकवा तादादी 0-44-66 है0, वाक्या महाल सन्हू, मौजा बन्दाहू, उप-तहसील थुरल, जिला कांगड़ा।
इश्तहार मुस्त्री मुनादी :
श्रीमती सवित्री देवी पुत्री श्री गुलावा पुत्र श्री गीगा, निवासी महाल सन्हू, मौजा बन्दाहू, उप-तहसील थुरल, जिला कांगड़ा ने अदालत में खाता नं0 35 की तकसीम महाल सन्हू की दायर कर रखी है जिसमें उक्त वर्णित प्रतिवादीगण की तामील बार-बार समन जारी करने पर नहीं हो पा रही है। और न ही प्रार्थी को इनका सही पता मालूम है। प्रार्थी ने इनका सही पता प्राप्त न होने बारे अपनी असमर्थता जताई है। अतः अदालत को विश्वास हो गया है कि उक्त प्रतिवादीगण की तामील साधारण तरीके से नहीं हो सकती है।
अतः उक्त वर्णित प्रतिवादियों को इस इश्तहार राजपत्र द्वारा सूचित किया जाता है कि वह उक्त मुकद्दमा की पैरवी हेतु असालतन या वकालतन तारीख पेशी 29-3-2010 को हाजिर अदालत होकर पैरवी मुकद्दमा करे। वाद तारीख पेशी किसी किस्म का उजर एवं एतराज नहीं सुना जावेगा व एकतरफा कार्यवाही अमल में लाई जाकर अगामी आदेश पारित कर दिया जावेगा। राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7179 यह इश्तहार व मोहर अदालत से आज दिनांक 24-2-2010 को जारी हुआ।
मोहर। हस्ताक्षरित/- सहायक समाहर्ता द्वितीय श्रेणी, थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत सहायक समाहर्ता द्वितीय श्रेणी, थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
मुकद्दमा तकसीम नं0 1-2010- STT तारीख पेशी : 29-3-2010 श्री गोरख राम पुत्र श्री डौसू पुत्र श्री विरजा, निवासी महाल लाहड़ डूहक, मौजा आलमपुर, उप-तहसील थुरल, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0।
बनाम
भगी रथी आदि निवासी महाल लाहड़ डूहक, उप-तहसील थुरल।
1. श्रीमती भागी रथी विधवा श्री किशन, 2. वलराज, भुवनेश्वर सिंह पुत्र श्री औंकार चन्द, 3. मिनाक्षी कुमारी, रीतू पुत्रियां व श्रीमती विजय विधवा श्री राजेश्वर सिंह पुत्र श्री औंकार चन्द, 4. श्रीमती राज कुमारी, श्रीमती कन्ता देवी, श्रीमती सन्तोष कुमारी, श्रीमती श्रेष्ठा देवी पत्नी पुत्रियां व श्रीमती प्युगला वाई विधवा श्री औंकार सिंह, 5. श्री भीतो राम पुत्र श्री डौसू, 6. अश्वनी कुमार, रविन्दर कुमार पुत्रान श्री भीतो राम समस्त निवासी महाल लाहड़ डूहक, मौजा आलमपुर, उप-तहसील थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश। विषय.--तकसीम भूमि खाता नं0 5, खतौनी नम्बर 5, खसरा नं0 238, रकबा तादादी 0-21-61 है0, वाक्या महाल लाहड़ डूहक, मौजा आलमपुर, उप-तहसील, थुरल, जिला कांगड़ा।
इश्तहार मुस्त्री मुनादी :
श्री गोरख राम पुत्र श्री डौसू पुत्र श्री विरजा, निवासी महाल लाहड़ डूहक, मौजा आलमपुर, उप-तहसील थुरल, जिला कांगड़ा ने अदालत में खाता नं0 5 की तकसीम महाल लाहड़ डूहक की दायर कर रखी है जिसमें उक्त वर्णित प्रतिवादीगण की तामील बार-बार समन जारी करने पर नहीं हो पा रही है। और न ही प्रार्थी को इनका सही पता मालूम है। प्रार्थी ने इनका सही पता प्राप्त न होने बारे अपनी असमर्थता जताई है। अतः अदालत को विश्वास हो गया है कि उक्त प्रतिवादीगण की तामील साधारण तरीके से नहीं हो सकती है।
अतः उक्त वर्णित प्रतिवादियों को इस इश्तहार राजपत्र द्वारा सूचित किया जाता है कि वह उक्त मुकद्दमा की पैरवी हेतु असालतन या वकालतन तारीख पेशी 29-3-2010 को हाजिर अदालत होकर पैरवी मुकद्दमा करे। वाद तारीख पेशी किसी किस्म का उजर एवं एतराज नहीं सुना जावेगा व एकतरफा कार्यवाही अमल में लाई जाकर अगामी आदेश पारित कर दिया जावेगा।
यह इश्तहार व मोहर अदालत से आज दिनांक 24-2-2010 को जारी हुआ।
मोहर। हस्ताक्षरित/- सहायक समाहर्ता द्वितीय श्रेणी, थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश। 7180 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
ब अदालत श्री राज कुमार वर्मा, नायब तहसीलदार एवं सहायक समाहर्ता, द्वितीय श्रेणी, थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
मुकद्दमा तकसीम नं0 1-2010 तारीख पेशी : 28-4-2010 श्री शेखर हुसैन पुत्र श्री शेर दीन, निवासी चाहल, मौजा व उप-तहसील थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
विषय.--मुस्त्री मुनादी वराये नाम दरूस्ती ।
श्री शेखर हुसैन पुत्र श्री शेर दीन, निवासी गांव चाहल, मौजा व उप-तहसील थुरल, जिला कांगड़ा ने अदालत में एक प्रार्थना-पत्र मय व्यान हल्फी पेश किया व आवेदन किया कि उसका नाम उसके पंचायत अभिलेख ग्राम पंचायत वटाहण व वोटर कार्ड में शेखर हुसैन दर्ज है, जबकि राजस्व अभिलेख में महाल चलाह, मौजा व उप-तहसील थुरल में गलती से जम्वू दीन दर्ज कागजात हो गया है। राजस्व अभिलेख में नाम की दरूस्ती का आदेश पारित किया जाने की अनुकम्पा करें।
अतः प्रार्थी का आवेदन स्वीकार करते हुए इश्तहार मुस्त्री मुनादी द्वारा आम जनता को सूचित किया जाता है कि यदि किसी व्यक्ति को प्रार्थी के नाम दरूस्ती बारे कोई उजर व एतराज हो तो व असालतन या वकालतन तारीख पेशी 28-4-2010 को हाजिर अदालत होकर अपना उजर पेश कर सकता है। वाद तारीख पेशी किसी किस्म का उजर एवं एतराज नहीं सुना जावेगा व तारीख पेशी को प्रार्थी के नाम की दरूस्ती का आदेश पारित कर दिया जावेगा।
यह इश्तहार मोहर अदालत व मेरे हस्ताक्षर से आज दिनांक 5-3-2010 को जारी हुआ। मोहर। राज कुमार वर्मा, नायब तहसीलदार एवं सहायक समाहर्ता द्वितीय श्रेणी, थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत कार्यकारी दण्डाधिकारी एवं विवाह पंजीकरण अधिकारी थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
मुकद्दमा नं0 3-2010 तारीख पेशी : 13-4-2010 श्री अजय सूद पुत्र श्री उत्तम चन्द, निवासी गांव साई, डाकघर साई, उप-तहसील थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
विषय.-मुस्त्री मुनादी शादी पंजीकरण करने बारे।
इश्तहार मुस्त्री मुनादी :
राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7181 श्री अजय सूद पुत्र श्री उत्तम चन्द, निवासी गांव व डाकघर साई, उप-तहसील थुरल, जिला कांगड़ा ने अदालत में प्रार्थना-पत्र मय व्यान हल्फी पेश किया है व आवेदन किया कि उसकी शादी अंजू सूद पुत्री श्री सन्तोष सूद, निवासी ठाकुरद्वारा, तहसील पालमपुर, जिला कांगड़ा से दिनांक 19-10-1997 को हिन्दू रीति-रिवाज से गांव साई, डाकघर साई, उपतहसील थुरल में हुई थी। परन्तु अज्ञानता के कारण शादी का पंजीकरण ग्राम पंचायत भ्रान्ता, उप-तहसील थुरल के अभिलेख में न करवाया गया है। शादी का पंजीकरण करने हेतु आदेश ग्राम पंचायत भ्रान्ता को जारी करने की अनुकम्पा करें। इस सन्दर्भ में दोनों ने अपने-अपने शपथ-पत्र भी पेश किये।
अतः प्रार्थी का आवेदन स्वीकार करते हुए इश्तहार राजपत्र हिमाचल प्रदेश द्वारा आम जनता को सूचित किया जाता है कि यदि किसी व्यक्ति को उक्त शादी बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह असालतन या वकालतन तारीख पेशी 13-4-2010 को सुबह 10.00 बजे हाजिर अदालत होकर अपना उजर पेश का सकता है। वाद तारीख पेशी किसी किस्म का उजर एवं एतराज नहीं सुना जावेगा व शादी पंजीकरण का आदेश प्रधान/सचिव ग्राम पंचायत भ्रान्ता, उपतहसील थुरल को जारी कर दिया जावेगा।
यह इश्तहार मोहर अदालत व मेरे हस्ताक्षर से आज दिनांक 2-3-2010 को जारी हुआ। मोहर। हस्ताक्षरित/- कार्यकारी दण्डाधिकारी एवं विवाह पंजीकरण अधिकारी,
थुरल, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
श्रीमती साहनी देवी पत्नी श्री प्रमोद सिंह, निवासी नाहलना, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . प्रार्थिन।
बनाम
आम जनता महाल नाहलना, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . . प्रत्यार्थीगण। विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
श्रीमती साहनी देवी पत्नी श्री प्रमोद सिंह, निवासी महाल नाहलना, मौजा लम्बागांव, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र मय व्यान हल्फी इस आशय से गुजारा है कि उसकी माता श्रीमती सुरमी देवी की मृत्यु तिथि 6-5-1989 को हुई है जोकि ग्राम पंचायत नाहलना के रिकार्ड में दर्ज न है, जिसे दर्ज किया जावे।
इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि प्रार्थिया की माता की मृत्यु तिथि व नाम ग्राम पंचायत नाहलना के रिकार्ड में दर्ज करने पर यदि किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 20-3-2010 को असालतन या वकालतन अधोहस्ताक्षरी की अदालत में आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में मृत्यु तिथि व नाम दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे। आज दिनांक 11-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश। 7182 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
तारीख पेेशी : 20-3-2010.
श्री संजीव कुमार पुत्र श्री अमीं चन्द, निवासी आलमपुर, मौजा आलमपुर, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . प्रार्थी।
बनाम
आम जनता महाल व मौजा आलमपुर, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . . प्रत्यार्थीगण। विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
श्री संजीव कुमार पुत्र श्री अमीं चन्द, निवासी आलमपुर, मौजा आलमपुर, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र मय व्यान हल्फी इस आशय से गुजारा है कि उसकी लड़की समीक्षा स्याल की जन्म तिथि 24-6-2006 है जोकि ग्राम पंचायत आलमपुर के रिकार्ड में दर्ज न है, जिसे दर्ज किया जावे।
इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि प्रार्थी की लड़की की जन्म तिथि व नाम ग्राम पंचायत आलमपुर के रिकार्ड में दर्ज करने पर यदि किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 20-3-2010 को असालतन या वकालतन अधोहस्ताक्षरी की अदालत में आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में जन्म तिथि व नाम दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे। आज दिनांक 11-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
तारीख पेेशी : 23-3-2010.
श्रीमती वीना देवी पत्नी श्री अमर सिंह, निवासी संधोल, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . प्रार्थी।
बनाम
आम जनता महाल संघोल, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . . प्रत्यार्थीगण। विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
श्रीमती वीना देवी पत्नी श्री अमर सिंह, निवासी गांव व डाकघर संघोल, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र मय व्यान हल्फी इस आशय से गुजारा है कि उसकी पुत्री कुमारी नेहा की जन्म तिथि 9-8-2003 है जोकि ग्राम पंचायत संघोल के रिकार्ड में दर्ज न है, जिसे दर्ज किया जावे। राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7183 इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि प्रार्थिया की लड़की कुमारी नेहा की जन्म तिथि व नाम ग्राम पंचायत संघोल के रिकार्ड में दर्ज करने पर यदि किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 23-3-2010 को असालतन या वकालतन अधोहस्ताक्षरी की अदालत में आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में जन्म तिथि व नाम दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 19-12-2009 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
------- ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
तारीख पेशी : 23-3-2010.
श्रीमती वीना देवी पत्नी श्री अमर सिंह, निवासी संधोल, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . प्रार्थिन।
बनाम
आम जनता महाल संधोल, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . . प्रत्यार्थीगण। विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
श्रीमती वीना देवी पत्नी श्री अमर सिंह, निवासी गांव व डाकघर संधोल, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र मय व्यान हल्फी इस आशय से गुजारा है कि उसके पुत्र रमण कुमार की जन्म तिथि 27-11-2006 है जोकि ग्राम पंचायत संधोल के रिकार्ड में दर्ज न है, जिसे दर्ज किया जावे।
इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि प्रार्थिया की लड़के रमन कुमार की जन्म तिथि व नाम ग्राम पंचायत संधोल के रिकार्ड में दर्ज करने पर यदि किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 23-3-2010 को असालतन या वकालतन अधोहस्ताक्षरी की अदालत में आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में जन्म तिथि व नाम दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 11-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
श्री पूर्ण सिंह पुत्र श्री राधा राम, निवासी लाहट, मौजा लाहट, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . प्रार्थी। 7184 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
बनाम
आम जनता महाल लाहट, मौजा लाहट, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . . प्रत्यार्थीगण। विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
श्री पूर्ण सिंह पुत्र श्री राधा राम, निवासी लाहट, मौजा लाहट, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र मय व्यान हल्फी इस आशय से गुजारा है कि उसकी माता श्रीमती भगवती देवी की मृत्यु तिथि 12-10-2000 को हुई है जोकि ग्राम पंचायत रिट के रिकार्ड में दर्ज न है, जिसे दर्ज किया जावे।
इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि प्रार्थी की माता की मृत्यु तिथि व नाम ग्राम पंचायत रिट के रिकार्ड में दर्ज करने पर यदि किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 23-3-2010 को असालतन या वकालतन अधोहस्ताक्षरी की अदालत में आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में मृत्यु तिथि व नाम दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे। आज दिनांक 19-10-2009 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
श्री जगदीश चन्द पुत्र श्री तरीडा राम, निवासी टम्बर, मौजा दगोह, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . प्रार्थी। बनाम
आम जनता महाल टम्बर, मौजा दगोह, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . . प्रत्यार्थीगण। विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
श्री जगदीश चन्द पुत्र श्री तरीडा राम, निवासी टम्बर, मौजा दगोह, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र मय व्यान हल्फी इस आशय से गुजारा है कि उसके पिता श्री तरीडा राम की मृत्यु तिथि 29-11-1991 को हुई है जोकि ग्राम पंचायत टम्बर के रिकार्ड में दर्ज न है, जिसे दर्ज किया जावे।
इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि प्रार्थी की पिता के मृत्यु तिथि व नाम ग्राम पंचायत टम्बर के रिकार्ड में दर्ज करने पर यदि किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 20-3-2010 को असालतन या वकालतन अधोहस्ताक्षरी की अदालत में आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में मृत्यु तिथि व नाम दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे। आज दिनांक 11-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश। राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7185 ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
तारीख पेेशी : 18-3-2010.
श्री कुलतार चन्द पुत्र श्री पाला राम, निवासी चम्बी, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . प्रार्थी।
बनाम
आम जनता महाल चम्बी, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . . प्रत्यार्थीगण। विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
श्री कुलतार चन्द पुत्र श्री पाला राम, निवासी गांव चम्बी, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र मय व्यान हल्फी इस आशय से गुजारा है कि उसके लड़के नवजीत कुमार की जन्म तिथि 5-11-1992 है जोकि ग्राम पंचायत चम्बी के रिकार्ड में दर्ज न है, जिसे दर्ज किया जावे।
इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि प्रार्थी के लड़के की जन्म तिथि व नाम ग्राम पंचायत चम्बी के रिकार्ड में दर्ज करने पर यदि किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-3-2010 को असालतन या वकालतन अधोहस्ताक्षरी की अदालत में आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में जन्म तिथि व नाम दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे। आज दिनांक 3-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
श्री राज पाल पुत्र श्री दया राम, निवासी कच्छाल जगियां, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . प्रार्थी।
बनाम
आम जनता महाल कच्छाल जगियां, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . . प्रत्यार्थीगण। विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
श्री राज पाल पुत्र श्री दया राम, निवासी कच्छाल जगियां, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र मय व्यान हल्फी इस आशय से गुजारा है कि उसकी लड़की पल्लवी धीमान की जन्म तिथि 4-8-1998 है जोकि ग्राम पंचायत जयसिंहपुर के रिकार्ड में दर्ज न है, जिसे दर्ज किया जावे। 7186 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि प्रार्थी की लड़की की जन्म तिथि व नाम ग्राम पंचायत जयसिंहपुर के रिकार्ड में दर्ज करने पर यदि किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 20-3-2010 को असालतन या वकालतन अधोहस्ताक्षरी की अदालत में आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में जन्म तिथि व नाम दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 11-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
------- ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
तारीख पेेशी : 23-3-2010.
श्री तुलसी राम पुत्र श्री लिखू राम, निवासी काथला, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . प्रार्थी। बनाम
आम जनता महाल काथला, मौजा व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . .प्रत्यार्थीगण। विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
श्री तुलसी राम पुत्र श्री लिखू राम, निवासी गांव काथला, डाकघर संघोल, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र मय व्यान हल्फी इस आशय से गुजारा है कि उसकी पौत्री नितिका रानी की जन्म तिथि 8-3-2002 है जोकि ग्राम पंचायत हारसी के रिकार्ड में दर्ज न है, जिसे दर्ज किया जावे।
इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि प्रार्थी की पौत्री की जन्म तिथि व नाम ग्राम पंचायत हारसी के रिकार्ड में दर्ज करने पर यदि किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 23-3-2010 को असालतन या वकालतन अधोहस्ताक्षरी की अदालत में आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में जन्म तिथि व नाम दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे। आज दिनांक 3-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
तारीख पेेशी : 20-3-2010.
श्री विवेक शर्मा पुत्र श्री मिलखी राम शर्मा, निवासी गांव कुटाहण, डाकघर व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . वादी। राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7187 बनाम
1. आम जनता, 2. सचिव ग्राम पंचायत बाग कुलजा, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . . प्रत्यार्थीगण। विषय.--प्रार्थना-पत्र विवाह पंजीकरण बारे।
वादी श्री विवेक शर्मा पुत्र श्री मिलखी राम शर्मा, निवासी गांव कुटाहण, डाकघर व तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश ने प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उसकी शादी श्रीमती अनिता शर्मा पुत्री श्री मदन लाल, निवासी गांव व डाकघर तलवाड़, तहसील जयसिंहपुर के साथ दिनांक 4-11-2008 को हुई है परन्तु शादी का पंजीकरण ग्राम पंचायत बागकुलजां में नहीं करवाया है, जिसे वादी अब दर्ज करवाना चाहता है।
अतः इस इश्तहार राजपत्र द्वारा सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि यदि किसी को शादी के पंजीकरण बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 20-3-2010 को अधोहस्ताक्षरी की अदालत में असालतन या वकालतन हाजिर आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में शादी केे पंजीकरण बारे आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 16-12-2009 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
श्री मदन लाल पुत्र श्री दुनी चन्द, 2. श्रीमती सुरजीत कुमारी पुत्री श्री धर्म चन्द पत्नी श्री मदन लाल, निवासी गांव वकारग, डाकघर नाहलना, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . प्रार्थी।
बनाम
1. आम जनता, 2. सचिव ग्राम पंचायत नाहलना, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . . प्रत्यार्थीगण। विषय.--प्रार्थना-पत्र बाबत शादी पंजीकरण जेर धारा 8(4)
श्री मदन लाल पुत्र श्री दुनी चन्द, निवासी गांव वकारग, डाकघर नाहलना ने प्रार्थना-पत्र मय ब्यान हल्फिया इस आशय से गुजारा है कि उसकी शादी श्रीमती सुरजीत कुमारी पुत्री श्री धर्म चन्द, निवासी गांव तुली, डाकघर वेरी कलां, तहसील खुंंिडयां से दिनांक 2-12-2008 को हिन्दू रीति-रिवाज के अनुसार हुई है। लेकिन गलती से उसने शादी का पंजीकरण ग्राम पंचायत नाहलना में नहीं करवाया है, जिसे प्रार्थी अब दर्ज करवाना चाहता है।
अतः इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि यदि किसी व्यक्ति को प्रार्थी की शादी के पंजीकरण बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 20-3-2010 को अदालत में 7188 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 असालतन या वकालतन हाजिर आकर पेश कर सकता है। हाजिर न आने की सूरत में शादी केे पंजीकरण बारे आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 6-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
------- ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
श्री विक्रम जीत पुत्र श्री गोपाल दास, निवासी उम्वर, डाकघर महाराजा नगर, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
1. आम जनता, महाल उम्वर, 2. सचिव ग्राम पंचायत कोसरी, तहसील जयसिंहपुर।
विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 8(4) के अन्तर्गत विवाह के पंजीकरण बारे प्रार्थना-पत्र।
श्री विक्रम जीत पुत्र श्री गोपाल दास, निवासी उम्वर, डाकघर महाराजा नगर ने प्रार्थना-पत्र मय हल्फिया इस आशय से गुजारा है कि उसकी शादी श्रीमती नीतू पुत्री श्री राजेेश सिंह, निवासी खरड़ के साथ दिनांक 30-11-2008 को हुई है। लेकिन गलती के कारण उसने शादी का पंजीकरण ग्राम पंचायत कोसरी में नहीं करवाया है, जिसे प्रार्थी अब दर्ज करवाना चाहता है।
अतः इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि प्रार्थी की शादी के पंजीकरण बारे यदि किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 23-3-2010 को असालतन या वकालतन हाजिर आकर पेश कर सकता है। हाजिर न आने की सूरत में नियमानुसार शादी पंजीकरण के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 6-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया, तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री एच0 एल0 इन्दोरिया, सहायक समाहर्ता प्रथम श्रेणी, (तहसीलदार) जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
तारीख पेेशी : 17-3-2010.
श्री मलखान सिंह पुत्र श्री पैणू राम, निवासी चमेडू, मौजा द्रमण, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश . . प्रार्थी।
बनाम राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7189 आम जनता महाल चमेडू, मौजा द्रमण, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) . . प्रतिवादीगण। विषय.--नाम की दरूस्ती बारे।
श्री मलखान सिंह पुत्र श्री पैणू राम, निवासी गांव चमेडू, तहसील जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र मय ब्यान हल्फी इस आशय से गुजारा है कि उसका सही नाम मलखान सिंह है जबकि राजस्व रिकार्ड में उसका नाम मुलतान लिखा गया है, जो कि गलत दर्ज हुआ है प्रार्थी अपने नाम की दरूस्ती करवाना चाहता है।
इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि प्रार्थी के नाम की दरूस्ती बारे यदि किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 17-3-2010 को असालतन या वकालतन अधोहस्ताक्षरी के कार्यालय में आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में प्रार्थी के नाम की दरूस्ती के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 23-1-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुुआ।
मोहर। एच0 एल0 इन्दोरिया,
सहायक समाहर्ता प्रथम श्रेणी, (तहसीलदार), जयसिंहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
------- ब अदालत श्री बीे0 डी0 आजाद, कार्यकारी दण्डाधिकारी बन्जार, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश केस नं0 83-टी आफ 2010 तारीख पेशी : 31-3-2010 श्री महेन्द्र शर्मा पुत्र श्री राम —ष्ण, निवासी रशाला, फाटी रशाला, कोठी खाड़ागाड़, तहसील बन्जार, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
उपरोक्त प्रार्थी ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र मय ब्यान हल्फिया इस आशय से गुजारा है कि उसके पुत्र अंशुल शर्मा की जन्म तिथि 15-4-2008 है जो कि ग्राम पंचायत खाड़ागाड़ के रिकार्ड में दर्ज न है जिसे दर्ज किया जाए।
इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण जनता को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि प्रार्थी के पुत्र की जन्म तिथि ग्राम पंचायत उपरोक्त के रिकार्ड में दर्ज करने पर यदि किसी को कोई आपत्ति या एतराज हो तो वह दिनांक 31-3-2010 को असालतन या वकालतन अदालत अधोहस्ताक्षरी आकर अपना एतराज दर्ज करवा सकता है। बाद गुजरने मियाद कोई भी उजर या एतराज काबिले समायत न होगा तथा एक तरफा कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।
आज दिनांक 3-3-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर। बीे0 डी0 आजाद, कार्यकारी दण्डाधिकारी बन्जार, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश। 7190 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
ब अदालत श्री शिव राम शर्मा, कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील मनाली, हिमाचल प्रदेश श्रीमती तेजी देवी पत्नी श्री दिले राम, निवासी भनारा, डाकघर जगतसुख, तहसील मनाली, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
विषय.--प्रकाशन इश्तहार बावत जन्म तिथि पंजीकरण जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु अधिनियम, 1969.
नोटिस बनाम आम जनता।
श्रीमती तेजी देवी पत्नी श्री दिले राम, निवासी भनारा, डाकघर जगतसुख, तहसील मनाली, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश ने इस न्यायालय में आवेदन-पत्र मय शपथ-पत्र गुजारा है कि उसकी माता श्रीमती सुमी देवी जिसकी दिनांक 14-10-2009 को मृत्यु हुई है परन्तु मृत्यु तिथि ग्राम पंचायत जगतसुख के रिकार्ड में दर्ज न की गई है, जिसे अब दर्ज करवाने के आदेश सादर फरमाए जावे।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि यदि किसी व्यक्ति को सुमी देवी की मृत्यु तिथि दर्ज करवाने बारे आपत्ति हो तो वह दिनांक 16-4-2010 को या इससे पूर्व अदालत हजा में अपनी आपत्ति दर्ज करवा सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज समायत न होगा तथा नियमानुसार मृत्यु तिथि दर्ज करवाने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 2-3-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
शिव राम शर्मा, कार्यकारी दण्डाधिकारी,
तहसील मनाली, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री शिव राम शर्मा, कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील मनाली, हिमाचल प्रदेश श्री योग राज पुत्र श्री सोभा राम, निवासी शेगली, डाकघर पनंगा, तहसील मनाली, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
विषय.--प्रकाशन इश्तहार बावत जन्म तिथि पंजीकरण जेर धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु अधिनियम, 1969.
नोटिस बनाम आम जनता।
श्री योग राज पुत्र श्री सोभा राम, निवासी शेगली, डाकघर पनंगा, तहसील मनाली, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश ने इस न्यायालय में आवेदन-पत्र मय शपथ-पत्र गुजारा है कि उसका पिता श्री सोभा राम जिसकी दिनांक 15-12-2005 को मृत्यु हुई है परन्तु मृत्यु तिथि ग्राम पंचायत पनंगा के रिकार्ड में दर्ज न की गई है, जिसे अब दर्ज करवाने के आदेश सादर फरमाए जावे। राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7191 अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि यदि किसी व्यक्ति को सोभा राम की मृत्यु तिथि दर्ज करवाने बारे आपत्ति हो तो वह दिनांक 16-4-2010 को या इससे पूर्व अदालत हजा में अपनी आपत्ति दर्ज करवा सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज समायत न होगा तथा नियमानुसार मृत्यु तिथि दर्ज करवाने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 2-3-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
शिव राम शर्मा, कार्यकारी दण्डाधिकारी,
तहसील मनाली, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री शिव राम शर्मा, कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील मनाली, हिमाचल प्रदेश श्रीमती नुरजिन डोलमा पत्नी श्री फुन्चोग, निवासी सियाल, तहसील मनाली, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
विषय.--दरख्वास्त बराए नाम दरुस्ती।
नोटिस बनाम आम जनता।
श्रीमती नुरजिन डोलमा पत्नी श्री फुन्चोग, निवासी सियाल, तहसील मनाली, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश ने इस न्यायालय में आवेदन-पत्र मय शपथ-पत्र गुजारा है कि उसका नाम ग्राम पंचायत नसोगी में नुरजिन डोलमा की बजाए सुषमा दर्ज है जिसकी वह दरुस्ती करवाना चाहती है। जिसे अब दर्ज करवाने के आदेश सादर फरमाए जावे।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि यदि किसी व्यक्ति को नुरजिन डोलमा उर्फ सुषमा का नाम बदलने बारे आपत्ति हो तो वह दिनांक........................................को या इससे पूर्व अदालत हजा में अपनी आपत्ति दर्ज करवा सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर या एतराज समायत न होगा तथा नियमानुसार उक्त व्यक्ति का नाम बदलने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक........................................को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
शिव राम शर्मा, कार्यकारी दण्डाधिकारी,
तहसील मनाली, हिमाचल प्रदेश। 7192 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
ब अदालत श्री शिव राम शर्मा, कार्यकारी दण्डाधिकारी एवं तहसीलदार, तहसील मनाली, हिमाचल प्रदेश श्री वाला राम पुत्र स्व0 श्री गंगू, निवासी शनाग, डाकघर वाहग, तहसील मनाली, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
विषय.--प्रकाशन इश्तहार बाबत जारी करने वारसान प्रमाण-पत्र।
नोटिस बनाम आम जनता।
श्री वाला राम पुत्र स्व0 श्री गंगू राम, निवासी शनाग, डाकघर वाहग, तहसील मनाली, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश ने इस न्यायालय में आवेदन-पत्र मय शपथ-पत्र गुजारा है कि उसकी पत्नी की मृत्यु दिनांक 21-6-2009 को हुई है लेकिन वह तहसील मनाली में भूमि की मालिक नहीं है और वारसान की सही दसदीक नहीं हो रही है तथा प्रधान ग्राम पंचायत शनाग, पटवारी वुरूआ की रिपोर्ट तथा ब्यान हल्फिया श्री वाला राम के अनुसार नीचे लिखे जायज वारसान पाए गए है :
1. श्री रमेश कुमार पुत्र, 2. कुमारी प्रिया पुत्री, 3. श्री वाला राम पति।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि यदि किसी व्यक्ति को उपरोक्त मृतक के उपरोक्त रिपोर्ट किए गए वारसानों बारे आपत्ति हो या मृतक का कोई अन्य वारसान हो तो वह 30 दिन के अन्दर अपना हक व एतराज इस न्यायालय में असालतन या वकालतन प्रस्तुत करें अन्यथा यह समझा जाएगा कि वारसान प्रमाण-पत्र के बारे कोई आपत्ति नहीं है और वारसान प्रमाण-पत्र न्यायालय द्वारा जारी कर दिया जाएगा।
मोहर।
शिव राम शर्मा, कार्यकारी दण्डाधिकारी,
तहसील मनाली, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत उप-मण्डल दण्डाधिकारी, पांवटा सहिब, जिला सिरमौर (हि0 प्र0)
उनवान मुकद्दमा :
श्रीमती जसवीर कौर पत्नी स्व0 श्री राजेन्द्र सिंह, निवासी ग्राम कोलर, तहसील पांवटा साहिब, जिला सिरमौर (हि0 प्र0) . . प्रार्थिया।
बनाम
आम जनता
श्रीमती जसवीर कौर पत्नी स्व0 श्री राजेन्द्र सिंह, निवासी ग्राम कोलर, तहसील पांवटा साहिब, जिला सिरमौर (हि0 प्र0) ने इस न्यायालय में एक आवेदन-पत्र प्रस्तुत किया है कि उसकेे पुत्र देवेन्द्र सिंह व पुत्री संगीता की जन्म तिथियां क्रमशः 22-11-1990 व 2-11-1994 हैं, जो ग्राम पंचायत कोलर में दर्ज नहीं हैं। राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7193 अतः इस इश्तहार द्वारा आम जनता को सूचित किया जाता है कि अगर उपरोक्त जन्म तिथियां दर्ज होने बारे किसी को कोई उजर व एतराज हो तो वह असालतन व वकालतन इस न्यायालय में दिनांक 31-3-2010 को प्रातः 10.00 बजे हाजिर होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। यदि तारीख मुकर्रर पर कोई उजर व एतराज प्राप्त न हुआ तो कार्यवाही एकतरफा करते हुए मामले में निर्णय कर दिया जाएगा।
इश्तहार आज दिनांक 20-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर। हस्ताक्षरित/-
उप-मण्डल दण्डाधिकारी,
पांवटा सहिब, जिला सिरमौर (हि0 प्र0)।
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ब अदालत श्री बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश श्री राकेश पेहवा पुत्र श्री ज्ञान चन्द, निवासी रैड क्रौस रोड, तहसील नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
उपरोक्त प्रार्थना-पत्र श्री राकेश पेहवा पुत्र श्री ज्ञान चन्द, निवासी नाहन, तहसील नाहन, जिला सिरमौर (हि0 प्र0) ने अधीन धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969 के अन्तर्गत प्रस्तुत करके प्रार्थना की है कि उनकी पुत्री प्रथम पेहवा, जिसकी जन्म तिथि 5-1-2002 है, का नाम नगर पालिका नाहन के रिकार्ड में दर्ज नहीं करवाया गया है। जिसे प्रार्थी अब दर्ज करवाना चाहता है।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि इस सम्बन्ध में यदि किसी व्यक्ति को उजर या एतराज हो तो वह स्वयं अथवा अपने प्रतिनिधि द्वारा मिति 31-3-2010 को सुबह दस बजे इस अदालत में उपस्थित आकर प्रस्तुत करे। बसूरत दीगर प्रथम पेहवा का नाम एवं जन्म तिथि दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए जावेंगे।
आज दिनांक 23-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर। बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
--------
ब अदालत श्री बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश श्रीमती अनिता पत्नी श्री अशोक कुमार, निवासी बाल्मिकी बस्ती, तहसील नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
7194 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 उपरोक्त प्रार्थना-पत्र श्रीमती अनिता पत्नी श्री अशोक कुमार, निवासी बाल्मिकी बस्ती, तहसील नाहन, जिला सिरमौर (हि0 प्र0) ने अधीन धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969 के अन्तर्गत प्रस्तुत करके प्रार्थना की है कि उनके पुत्र अजय, जिसकी जन्म तिथि 21-11-2005 है, का नाम नगर पालिका नाहन के रिकार्ड में दर्ज नहीं करवाया गया है। जिसे प्रार्थिया अब दर्ज करवाना चाहती है।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि इस सम्बन्ध में यदि किसी व्यक्ति को उजर या एतराज हो तो वह स्वयं अथवा अपने प्रतिनिधि द्वारा मिति 31-3-2010 को सुबह दस बजे इस अदालत में उपस्थित आकर प्रस्तुत करे। बसूरत दीगर अजय का नाम एवं जन्म तिथि दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए जावेंगे।
आज दिनांक 23-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर। बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश श्रीमती शान्ती देवी पत्नी श्री बरखा राम, निवासी महीपुर, तहसील नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
उपरोक्त प्रार्थना-पत्र श्रीमती शान्ती देवी पत्नी श्री बरखा राम, निवासी महीपुर, तहसील नाहन, जिला सिरमौर (हि0 प्र0) ने अधीन धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969 के अन्तर्गत प्रस्तुत करके प्रार्थना की है कि उनके पुत्र पप्पू राम, जिसकी जन्म तिथि 22-3-1989 है, का नाम ग्राम पंचायत महीपुर के रिकार्ड में दर्ज नहीं करवाया गया है। जिसे प्रार्थिया अब दर्ज करवाना चाहती है।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि इस सम्बन्ध में यदि किसी व्यक्ति को उजर या एतराज हो तो वह स्वयं अथवा अपने प्रतिनिधि द्वारा मिति 31-3-2010 को सुबह दस बजे इस अदालत में उपस्थित आकर प्रस्तुत करे। बसूरत दीगर पप्पू राम का नाम एवं जन्म तिथि दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए जावेंगे।
आज दिनांक 23-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर। बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश श्री मनोज शर्मा पुत्र श्री अमर सिंह, निवासी धीरथ, तहसील नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
बनाम राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7195 आम जनता
उपरोक्त प्रार्थना-पत्र श्री मनोज कुमार पुत्र श्री अमर सिंह, निवासी धीरथ, तहसील नाहन, जिला सिरमौर (हि0 प्र0) ने अधीन धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969 के अन्तर्गत प्रस्तुत करके प्रार्थना की है कि उनकी पुत्री प्रिया शर्मा, जिसकी जन्म तिथि 23-8-2006 है, का नाम ग्राम पंचायत बनेठी के रिकार्ड में दर्ज नहीं करवाया गया है। जिसे प्रार्थी अब दर्ज करवाना चाहता है।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि इस सम्बन्ध में यदि किसी व्यक्ति को उजर या एतराज हो तो वह स्वयं अथवा अपने प्रतिनिधि द्वारा मिति 31-3-2010 को सुबह दस बजे इस अदालत में उपस्थित आकर प्रस्तुत करे। बसूरत दीगर प्रिया शर्मा का नाम एवं जन्म तिथि दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए जावेंगे।
आज दिनांक 23-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर। बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश श्री इन्द्र सिंह कंवर पुत्र श्री रत्न सिंह कंवर, निवासी पानीपत, तहसील नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
उपरोक्त प्रार्थना-पत्र श्री इन्द्र सिंह कंवर पुत्र श्री रत्न सिंह, निवासी पानीपत, तहसील नाहन, जिला सिरमौर (हि0 प्र0) ने अधीन धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969 के अन्तर्गत प्रस्तुत करके प्रार्थना की है कि उनकी पौत्री वंशिका कंवर, जिसकी जन्म तिथि 6-6-2006 है, का नाम नगर पालिका नाहन के रिकार्ड में दर्ज नहीं करवाया गया है। जिसे प्रार्थी अब दर्ज करवाना चाहता है।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि इस सम्बन्ध में यदि किसी व्यक्ति को उजर या एतराज हो तो वह स्वयं अथवा अपने प्रतिनिधि द्वारा मिति 31-3-2010 को सुबह दस बजे इस अदालत में उपस्थित आकर प्रस्तुत करे। बसूरत दीगर वंशिका कंवर का नाम एवं जन्म तिथि दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए जावेंगे।
आज दिनांक 23-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर। बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश। 7196 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
ब अदालत श्री बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश श्री सन्तोख सिंह पुत्र श्री गुरदयाल सिंह, निवासी अंधेरी, तहसील नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
आम जनता
उपरोक्त प्रार्थना-पत्र श्री सन्तोख सिंह पुत्र श्री गुरदयाल सिंह, निवासी अंधेरी, तहसील नाहन, जिला सिरमौर (हि0 प्र0) ने अधीन धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969 के अन्तर्गत प्रस्तुत करके प्रार्थना की है कि उनके पुत्र मनदीप कुमार, जिसकी जन्म तिथि 9-10-1996 है, का नाम ग्राम पंचायत फालिया के रिकार्ड में दर्ज नहीं करवाया गया है। जिसे प्रार्थी अब दर्ज करवाना चाहता है।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि इस सम्बन्ध में यदि किसी व्यक्ति को उजर या एतराज हो तो वह स्वयं अथवा अपने प्रतिनिधि द्वारा मिति 31-3-2010 को सुबह दस बजे इस अदालत में उपस्थित आकर प्रस्तुत करे। बसूरत दीगर मनदीप कुमार का नाम एवं जन्म तिथि दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए जावेंगे।
आज दिनांक ...................... को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर। बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश श्री अजय कुमार पुत्र श्री प्रेम सिंह, निवासी मालोवाला, तहसील नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश
बनाम
आम जनता
उपरोक्त प्रार्थना-पत्र श्री अजय कुमार पुत्र श्री प्रेम सिंह, निवासी मालोवाला, तहसील नाहन, जिला सिरमौर (हि0 प्र0) ने अधीन धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969 के अन्तर्गत प्रस्तुत करके प्रार्थना की है कि उनके पुत्र यश कुमार, जिसकी जन्म तिथि 21-6-2008 है, का नाम ग्राम पंचायत बनकला के रिकार्ड में दर्ज नहीं करवाया गया है। जिसे प्रार्थी अब दर्ज करवाना चाहता है।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि इस सम्बन्ध में यदि किसी व्यक्ति को उजर या एतराज हो तो वह स्वयं अथवा अपने प्रतिनिधि द्वारा मिति 31-3-2010 को सुबह दस बजे इस अदालत में उपस्थित आकर प्रस्तुत करे। बसूरत दीगर यश कुमार का नाम एवं जन्म तिथि दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए जावेंगे।
आज दिनांक 23-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर। बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश। राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931 7197 ब अदालत श्री बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश श्रीमती नीलम शर्मा पत्नी श्री नरेश चन्द, निवासी नाहन, तहसील नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश
बनाम
आम जनता
उपरोक्त प्रार्थना-पत्र श्रीमती नीलम शर्मा पत्नी श्री नरेश चन्द, निवासी नाहन, तहसील नाहन, जिला सिरमौर (हि0 प्र0) ने अधीन धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969 के अन्तर्गत प्रस्तुत करके प्रार्थना की है कि उनके पुत्र हिमांशू शर्मा, जिसकी जन्म तिथि 21-8-1992 है, का नाम नगर पालिका, नाहन के रिकार्ड में दर्ज नहीं करवाया गया है। जिसे प्रार्थिया अब दर्ज करवाना चाहती है।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि इस सम्बन्ध में यदि किसी व्यक्ति को उजर या एतराज हो तो वह स्वयं अथवा अपने प्रतिनिधि द्वारा मिति 31-3-2010 को सुबह दस बजे इस अदालत में उपस्थित आकर प्रस्तुत करे। बसूरत दीगर हिमांशू शर्मा का नाम एवं जन्म तिथि दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए जावेंगे।
आज दिनांक 23-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर। बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश।
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ब अदालत श्री बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश श्री सुभाष चन्द पुत्र श्री जुगल किशोर, निवासी अमरपुर, तहसील नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश
बनाम
आम जनता
उपरोक्त प्रार्थना-पत्र श्री सुभाष चन्द पुत्र श्री जुगल किशोर, निवासी अमरपुर, तहसील नाहन, जिला सिरमौर (हि0 प्र0) ने अधीन धारा 13 (3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969 के अन्तर्गत प्रस्तुत करके प्रार्थना की है कि उनकी पुत्री पारूल, जिसकी जन्म तिथि 7-5-1980 है, का नाम नगर पालिका नाहन के रिकार्ड में दर्ज नहीं करवाया गया है। जिसे प्रार्थी अब दर्ज करवाना चाहता है।
अतः सर्वसाधारण को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि इस सम्बन्ध में यदि किसी व्यक्ति को उजर या एतराज हो तो वह स्वयं अथवा अपने प्रतिनिधि द्वारा मिति 31-3-2010 को सुबह दस बजे इस 7198 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 16 मार्च, 2010/25 फाल्गुन, 1931
अदालत में उपस्थित आकर प्रस्तुत करे। बसूरत दीगर पारूल का नाम एवं जन्म तिथि दर्ज करने के आदेश जारी कर दिए जावेंगे।
आज दिनांक 23-2-2010 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर। बीे0 एस0 गर्ग, कार्यकारी दण्डाधिकारी, नाहन, जिला सिरमौर, हिमाचल प्रदेश। नियन्त्रक, मुद्रण तथा लेखन सामग्री, हिमाचल प्रदेश, शिमला-5 द्वारा मुद्रित तथा प्रकाशित