राजपत्र, हिमाचल प्रदेश हिमाचल प्रदेश राज्य शासन द्वारा प्रकाशित मंगलवार 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938
हिमाचल प्रदेश सरकार
आबकारी एवं कराधान विभाग
अधिसूचना
शिमला-2, 03 फरवरी, 2017
संख्याः ई.एक्स.एन.-एफ(10)-22/2016.--हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल, हिमाचल प्रदेश मूल्य परिवर्धित कर अधिनियम, 2005 (2005 का अधिनियम सख्यांक 12) की धारा 63 की उपधारा (1) द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, इस विभाग की अधिसूचना संख्याः ई.एक्स.एन.-एफ(5)-4/2005 तारीख 02 212-राजपत्र/2017-07-02-2017 (6963) 6964 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 दिसम्बर, 2005 द्वारा अधिसूचित और तारीख 07 दिसम्बर, 2005 को राजपत्र (असाधारण), हिमाचल प्रदेश में प्रकाशित हिमाचल प्रदेश मूल्य परिवर्धित कर नियम, 2005 का और संशोधन करने के लिए नियम बनाते हैं, अर्थात् :-
1. संक्षिप्त नाम और प्रारम्भ.--(1) इन नियमों का संक्षिप्त नाम हिमाचल प्रदेश मूल्य परिवर्धित कर (द्वितीय संशोधन) नियम, 2017 है ।
(2) ये नियम, राजपत्र हिमाचल प्रदेश में प्रकाशन की तारीख से प्रवृत्त होंगे ।
2. नए नियम 82-क का अंतःस्थापन.--हिमाचल प्रदेश मूल्य परिवर्धित कर नियम, 2005 (जिन्हें इसमें इसके पश्चात् 'उक्त नियम' कहा गया है) के नियम 82 के पश्चात् निम्नलिखित नया नियम अंतःस्थापित किया जाएगा, अर्थातः-
"82-क. अग्रिम विनिर्णय के लिए प्राधिकरण.-(1) धारा 49-क के अधीन सुस्पष्टीकरण के लिए प्रत्येक आवेदन रजिस्ट्रीकृत व्यौहारी द्वारा प्ररूप-40-क में चार प्रतियों में प्राधिकरण को इलेक्ट्रॉनिकली या मैन्युअली किया जाएगा और जिसके साथ पांच हजार रूपए का क्रास्ड चैक या क्रास्ड डिमांड ड्राफ्ट या बैंक पेआर्डर अथवा आबकारी एवं कराधान आयुक्त के पक्ष में फीस संदत्त कर देने के समर्थन में आबकारी एवं कराधान विभाग की वैब पोर्टल के माध्यम से इलेक्ट्रॉनिकली किए गए संदाय की हार्ड कापी संलग्न की जाएगी।
(2) प्राधिकरण स्वप्रेरणा से आवेदक को/से ऐसे अतिरिक्त तथ्यों को प्रस्तुत करने को अनुज्ञात/ अपेक्षा करेगा जो मामले में आगामी कार्यवाही हेतु इसे समर्थ बनाने में आवश्यक समझे जाएं जहां प्राधिकरण के समक्ष कार्यवाहियों के दौरान किसी ऐसे तथ्य का अभिकथन किया गया है जिसे अभिलेखन के माध्यम से नहीं लाया जा सकता हो तो इसका कथन स्पष्टतया और संक्षिप्ततः किया जाएगा और शपथ पत्र द्वारा समर्थित किया जाएगा ।
(3) जहां आवेदक, सुनवाई के लिए नियत तारीख को या सुनवाई के लिए नियत किसी अन्य दिवस को, वैयक्तिक रूप से या प्राधिकृत किसी अभिकर्ता के माध्यम से जब बुलाया गया हो, उपस्थित नहीं होता है तो प्राधिकरण आवेदन पर एक पक्षीय विनिश्चय कर सकेगा :
परन्तु जहां एक पक्षीय विनिश्चय किया गया है वहां आवेदक आदेश की प्राप्ति के तीस दिन के भीतर आवेदन के प्रत्यावर्तन के लिए आवेदन कर सकेगा और प्राधिकरण के समाधानप्रद रूप में साबित करेगा कि जब आवेदक को सुनवाई के लिए बुलाया गया था तो उसके पास उसकी वहां पर अनुपस्थिति के लिए पर्याप्त हेतुक था, प्राधिकरण का यदि समाधान हो जाता है तो वह एक पक्षीय आदेश को अपास्त कर सकेगा और आवेदन को नई सुनवाई हेतु प्रत्यावर्तित कर सकेगा। इस उपनियम के अधीन किए आदेश की प्रति पक्षकारों को भेज दी जाएगी।
(4) जहां, आवेदक की मृत्यु हो जाती है या कारबार का परिसमापन या समामेलन हो जाता है अथवा उसे किसी अन्य व्यक्ति द्वारा ले लिया जाता है या अन्यथा बन्द हो जाता है तो वहां आवेदन का उपशमन नही होगा और उसे निष्पादक, प्रशासक या आवेदक के अन्य विधिक प्रतिनिधि द्वारा या यथास्थिति, समापक, प्रापक या समनुदेशिति अथवा उत्तराधिकारी द्वारा, इस निमित्त किए आवेदन पर जारी रखा जा सकेगा । (5) आवेदक, अधिनियम की धारा 49-क के अधीन दाखिल किए आवेदन को प्राधिकरण द्वारा आदेश पारित करने से पूर्व किसी भी समय वापस ले सकेगा ।"।
3. नए प्ररूप 40-क का अन्तःस्थापन.--उक्त नियमों से संलग्न प्ररूप-40 के पश्चात् निम्नलिखित नया प्ररूप अंतःस्थापित किया जाएगा, अर्थातः-6965 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 "प्ररूप 40-क
अग्रिम विनिर्णय के लिए आवेदन
(नियम 82-क देखें)
टिनः
सेवा में,
अग्रिम विनिर्णय प्राधिकरण, शिमला
1. (क) रजिस्टीकृत व्यौहारी का नाम और पताः-
(ख) व्योरों सहित, गठन प्रास्थितिः-
2. वृत :
3. पता जिस पर व्यौहारी को नोटिस (सूचना) या आदेश भेजा जा सके :
4. प्रश्न जिस पर अग्रिम विनिर्णय मांगा गया है (जो लागू हो उसे टिक करें)
(क) अधिनियम के अधीन किसी माल का वर्गीकरण;
(ख) अधिनियम के उपबन्धों के अधीन जारी की गई अधिसूचना की उपयुक्तता जिससे कर की दर पर प्रभाव पड़ता हो;
(ग) अधिनियम के उपबन्धों के अधीन माल के मूल्य के अवधारण के प्रयोजनों के लिए अंगीकृत किए जाने वाले सिद्धान्त;
(घ) अधिनियम के अधीन, कर की बाबत जारी की गई अधिसूचनाएं;
(ङ) संदत्त या संदत्त समझे गए कर के आगत कर प्रत्यय की स्वीकार्यता;
(च) अधिनियम के अधीन किसी माल पर देय कर के दायित्व का अवधारण;
(छ) क्या आवेदक का अधिनियम के अधीन रजिस्ट्रीकरण किया जाना अपेक्षित है।
5. नियम 82-क के अधीन आवेदन फीस के संदाय के व्यौरे (क्रास्ड डिमांड चैक या क्रास्ड बैंकर्ज चैक या पे-आर्डर, ई-पेमेंट की दशा में चालान नम्बर, बैंक का नाम, ब्रांच का नाम और संख्या/तारीख दी जाए)।
सत्यापन
मैं/हम.......................................आवेदक, एतद् द्वारा घोषणा करता हूॅं/करते हैं कि उपरोक्त दी गई विशिष्टियां मेरे/ हमारे श्रेष्ठ ज्ञान/विश्वास के अनुसार सत्य, सही और पूर्ण हैं ।
आवेदक(कों) के हस्ताक्षर............................
मोहर सहित नाम........................................
6966 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 टिप्पण.-(1) आवेदन चार प्रतियों में किया जाना चाहिए।
(2) प्रत्येक माल हेतु पृथक आवेदन किया जाए।
(3) आवेदन में समर्थक दस्तावेजों और नमूनों सहित तथ्यों और विधि जिस पर अग्रिम विनिर्णय मांगा गया है कथन हो ।"।
आदेश द्वारा, हस्ताक्षरित/- सचिव (आबकारी एवं कराधान)।
-----
[Authoritative English text of this Department Notification No. EXN-F(10)-22/2016 dated
03/02/2017 as required under clause(3) of Article 348 of the Constitution of India.]
EXCISE AND TAXATION DEPARTMENT
NOTIFICATION
Shimla-2, the 3rd February, 2017
No. EXN-F(10)-22/2016.—In exercise of the powers conferred by sub-section(1) of section 63 of the Himachal Pradesh Value Added Tax Act, 2005 (Act No.12 of 2005), the Governor of Himachal Pradesh is pleased to make the following rules further to amend the Himachal Pradesh Value Added Tax Rules, 2005, notified vide this Department Notification No.EXN-F(5)-4/2005 dated 2nd December, 2005 and published in the Rajpatra, Himachal Pradesh (Extra ordinary) dated 7th December, 2005, namely:—
1. Short title and commencement.—(1)These rules may be called the Himachal Pradesh Value Added Tax (Second Amendment) Rules, 2017.
(2) They shall come into force from the date of publication in Rajpatra, Himachal Pradesh.
2. Insertion of rule 82-A.—After rule 82 of the Himachal Pradesh Value Added Tax Rules, 2005 (hereinafter referred to the 'said rules'), the following new rule shall be inserted, namely.—
"82-A. Authority for Advance Ruling.—(1) Every application under section 49-A for seeking clarification may be made by a registered dealer electronically or manually to the Authority in Form XXXX-A quadruplicate and shall be accompanied by a crossed cheque of five thousand rupees or crossed demand draft or pay order of a bank or a hard copy of payment made electronically through the web portal of the Excise and Taxation Department in support of having paid the fee in favour of the Excise & Taxation Commissioner. (2) The Authority may at its discretion permit or require the applicant to submit such additional facts as may be felt necessary to enable it to proceed further in the matter. Where in the course of proceedings before the Authority, a fact is alleged which cannot be borne out by record, it shall be stated clearly and concisely and supported by an affidavit.
6967 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938(3) Where on the date fixed for hearing or any other day in which the hearing may be fixed, the applicant does not appear in person or through an authorized agent, when called upon, the authority may decide the application ex-parte:
Provided that where an application has been decided ex-parte, the applicant, within thirty days of receipt of order, may apply for restoration of application and shall prove to the satisfaction of the Authority that there was sufficient cause for his non-appearance when the applicant was called upon for hearing, the Authority if satisfied may set-aside the ex-parte order and restore the application for fresh hearing. A copy of order made under this sub-rule shall be sent to the parties.
(4) Where the applicant dies or the business is wound up or amalgamated or succeeded to by any other person or otherwise comes to end, the application shall not abate and may be continued by the executor, administrator or other legal representative of the applicant or by the liquidator, receiver or assignee or successor, as the case may be, on an application made in this behalf.
(5) The applicant may withdraw application filed under section 49-A of the Act, at any time before passing of order by the Authority.".
3. Insertion of new Form XXXX-A.—After Form XXXX appended to the said rules, the following new form shall be inserted, namely:—
"FORM XXXX-A
Application for Advance Ruling
(See rule 82-A)
T I N
To
The Authority for Advance Ruling, Shimla.
1. (a) Name and Address of the Registered Dealer :
(b) Constitution Status with details :
2. Circle :
3. Address to which Notice or order may be sent to the dealer :
4. Question on which advance ruling sought (tick whichever applicable)
(a) classification of any goods under the Act;
(b) applicability of a notification issued under provisions of the Act having a bearing on the rate of tax;
(c) the principles to be adopted for the purposes of determination of value of the goods under the provisions of the Act;
6968 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 (d) notifications issued, in respect of tax under the Act;
(e) admissibility of input tax credit of tax paid or deemed to have been paid;
(f) determination of the liability to pay tax on any goods under the Act;
(g) whether applicant is required to be registered under the Act;
5. Payment details of application fee under rule 82-A (In case of crossed Demand Draft or crossed banker's cheque or pay order, e-payment challan number, the name of bank, Branch name and No. /date shall be furnished)
VERIFICATION
I/We………………………………………………….the applicant(s) do hereby declare that the particulars given above are true, correct and complete to the best of my/our knowledge and belief.
Signature of the Applicant(s)---------------------------
Name with Seal--------------------------
Note,— (1) The application should be in quadruplicate.
(2) Separate application should be filed for each goods. (3) The application should state the facts and the law to which advance ruling is sought for, with supporting documents and samples.".
By order, Sd/- Secretary (E&T).
__________
राजस्व विभाग
अधिसूचना
दिनांक, 16, जनवरी, 2017
संख्याः राजस्व-डी (एफ)4-8-/2008.--हिमाचल प्रदेश भू-अभिलेख नियमावली, 1992 के पैरा 3.17 एवम् पैरा 3.18 में वर्णित/निर्दिष्ट प्रावधानों/मानकों में छूट देते हुए राज्यपाल, हिमाचल प्रदेश, जिला किन्नौर की तहसील मूरंग में नये पटवार वृत रिब्बा, तहसील सांगला में पटवार वृत रकछम तथा तहसील पूह में पटवार वृत नमज्ञा का उनमें सम्मिलित किये गये उप-मुहालों की सूचि अनुबन्ध "क" एवं "ख" में दिये गये विवरण अनुसार तथा एक पद पटवारी, वेतनमान मु0 5910-20,200+1900 ग्रेड पे, मांग संख्याः 5, मुख्य शीर्ष-2029-00-103-04 (गैर-योजना) के अन्तर्गत सृजन करने के सहर्ष आदेश देते हैं ।
आदेश द्वारा, तरूण श्रीधर, अतिरिक्त मुख्य सचिव एवं वित्तायुक्त (राजस्व)।6969 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 अनुबन्ध-क रिपोर्ट/प्रस्ताव पटवार वृत रिब्बा तहसील मूरंग, व पटवार वृत रकछम तहसील सांगला जिला किन्नौर, हि0प्र0।
| तहसील का नाम | कानूनगो सर्कल का नाम | पटवार सर्कल का नाम | नाम उप महाल | कुल भौगोलिक क्षेत्रफल | कृष्ट भूमि | खतौनी नम्बर | खसरा नम्बर | भू-राजस्व | प्ांचायत का नाम |
| मूरंग | मूरंग | रिबा | रिब्बा, छूदेन, डी0पी0एफ0 188, धार जेश्टांगरंग, परंगा, होलडंग, कुरपो, वाटो, कुटियान, सिरमोलिंग,डी0 पी0 एफ0 186, डी0 पी0 एफ0 187, धार पुरंगा, कुल-13 उप महाल | 2225 ह ैक्टेयर | 368 ह ैक्टेयर | 1876 | 5747 | 3010 | रिबा |
| सागंला | सागंला | रकछम | रक्चछम, खरोगला, मस्तरंग, छितकुल, धारबादती, डी0 पी0 एफ0 160, डी0 पी0 एफ0 161, डी0 पी0 एफ0 162ए, डी0 पी0 एफ0 163, धार कालीकुटंग निचली, धार कालीकुटंग उपरली, धार कमकमपुर, धारनोशंग पश्चिमी, धार नोशंग निचली, धार शोशला, धार गेलप, धार मबला, धार नोशंग उपारली, धारबुज्या, धार गिरे, धार शोठंग, धार हिलप, रानी कण्डा, धार कारू, धार नकडुम, धार शोंचा, धार चोलिंगघाट, धार घुण्डर, धार भास्पा, धार दुम्ती, धार ठण्डा पानी, धार नीलंग, धार धमचो घाट, धार निथल, धार नकुरचे। क ल-35 ु उप मुहाल। | 93385 ह ैक्टेयर | 184 ह ैक्टेयर | 974 | 6369 | 722 | छितकुल व रकछम |
रिपोर्ट /प्रस्ताव पटवार वृत नमज्ञा तहसील पूह, जिला किन्नौर, हि0प्र0 ।
| तहसील का नाम | कानूनगो सर्कल का नाम | पटवार सर्कल का नाम | नाम उप महाल | कुल भौगोलिक क्षेत्रफल | कृष्ट भूमि | खतौनी नम्बर | खसरा नम्बर | भू-राजस्व | पंचायत का नाम |
| पूह | पूह | नमज्ञा | नमज्ञा, पमज्ञा कण्डा, टाशीगंग, धार पोटल, धार छुपन, धार युनछा, छुनसा कण्डा, खागो। कुल-9 उप मुहाल | 9505 हैक्टेयर | 109 हैक्टेयर | 626 | 2840 | 982 | नमज्ञा |
राजस्व विभाग
अधिसूचना
दिनांक, 16, जनवरी, 2017
संख्याः राजस्व-डी (एफ)4-11-2015.--हिमाचल प्रदेश भू-अभिलेख नियमावली, 1992 के पैरा 3.17 एवम् पैरा 3.18 में वर्णित/निर्दिष्ट प्रावधानों/मानकों में छूट देते हुए राज्यपाल, हिमाचल प्रदेश, तहसील थुनाग, जिला मण्डी के वर्तमान पटवार वृत काण्ढा का विघटन करते हुए एक नये पटवार वृत, काण्ढी, का उसमें सम्मिलित किये गये मुहालों/उप-मुहालों की सूचि अनुबन्ध "क" में दिये गये विवरण अनुसार तथा एक पद पटवारी, वेतनमान मु0 5910-20,200+1900 ग्रेड पे, मांग संख्याः 5, मुख्य शीर्ष-2029-00-103-04 (गैर-योजना) के अन्तर्गत सृजन करने के सहर्ष आदेश देते हैं ।
आदेश द्वारा, तरूण श्रीधर अतिरिक्त मुख्य सचिव एवं वित्तायुक्त (राजस्व)।
------
अनुबन्ध-क पटवार वृत काण्डा बगस्याड की वर्तमान स्थिति,प्रस्तावित पटवार वृत काण्ढी की स्थिति व पटवार वृत काण्ढी के सृजन के उपरान्त पटवार वृत काण्डा बगस्याड की स्थिति ।
| क्रम सं0 | नाम पटवार वृत | तादाद मुहाल | कुल रक्वा | रक्वा मजरूआ | तादाद खतौनी | तादाद नम्बर खसरा | माल | जनसंख्या |
| 1. | पटवार वृत काण्डा बगस्याड की वर्तमान स्थिति | 24 | 2663 | 363 | 1601 | 8076 | 2187 | 3276 |
| 2. | प्रस्तावित पटवार वृत काण्ढी की स्थिति | 10 | 802 | 190 | 862 | 4521 | 1217 | 2008 |
| 3. | प्रस्तावित पटवार वृत काण्ढी के सृजन के उपरान्त पटवार काण्डा बगस्याड की स्थिति | 14 | 1861 | 173 | 739 | 3555 | 970 | 1268 |
अधिसूचना
दिनांक, 16, जनवरी, 2017
संख्याः राजस्व-डी (एफ)4-4-2015.--हिमाचल प्रदेश भू-अभिलेख नियमावली, 1992 के पैरा 3.17 एवम् पैरा 3.18 में वर्णित/निर्दिष्ट प्रावधानों/मानकों में छूट देते हुए राज्यपाल, हिमाचल प्रदेश, तहसील जुब्बल, जिला शिमला के वर्तमान पटवार वृतों सरस्वती नगर, पौटा, एवं शिली, का विघटन करते हुए एक नये पटवार वृत, बटाड गलू, का उसमें समिलित किये गये मुहालों/उप-मुहालों की सूचि अनुबन्ध "क" में दिये गये विवरण अनुसार तथा एक पद पटवारी, वेतनमान मु0 5910-20,200 + 1900 ग्रेड पे, मांग संख्याः 5, मुख्य शीर्ष-2029-00-103-04 (गैर-योजना) के अन्तर्गत सृजन करने के सहर्ष आदेश देते हैं ।
आदेश द्वारा, तरूण श्रीधर अतिरिक्त मुख्य सचिव एवं वित्तायुक्त (राजस्व)।
-------
अनुबन्ध-क प्रस्तावित नये पटवार वृत बटाड गलू की स्थिति।
| क्रम संख्या | नाम महाल | तादाद खाता | तादाद खतौनी | तादाद खसरा | क्ुल रकवा हेैक्टेयर | कृष्ट | अकृष्ट | माल |
| 1. | बटाड | 167 | 408 | 1781 | 175 | 94 | 81 | शामिल कठासु |
| 2. | कठासु | 216 | 584 | 2311 | 257 | 124 | 133 | 1624 .00 |
| 3. | जगंल नाली वन | 15 | 21 | 57 | 69 | 2 | 67 | 4.0 |
| 4. | सोगला | 62 | 215 | 965 | 91 | 40 | 51 | 193.0 |
| 5. | सुन्टा | 29 | 96 | 407 | 33 | 13 | 20 | 52.0 |
| 6. | बरथाटा | 70 | 254 | 1267 | 193 | 99 | 94 | 150.0 |
| 7. | जगंल मै0 मै0 जौण्ड | 18 | 23 | 53 | 663 | 5 | 658 | |
| 8. | जगंल मै0 मै0 बगैण | 1 | 1 | 5 | 495 | 495 | ||
| 9. | मुडल | 37 | 91 | 372 | 229 | 22 | 207 | 64.0 |
| 10. | केलवी | 29 | 80 | 552 | 113 | 24 | 89 | 72.0 |
| 11. | जगंल मै0 मै0 मुडल | 1 | 1 | 4 | 901 | 901 | ||
| जोड . . | 645 | 1774 | 7774 | 3219 | 423 | 2796 | 2159.0 |
अधिसूचना
शिमला-2, 17 जनवरी, 2017
सं0पी0बी0डब्ल्यू0(बी0)एफ(5)7/2016.--यतः हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल को यह प्रतीत होता है कि हिमाचल प्रदेश सरकार को सरकारी व्यय पर सार्वजनिक प्रयोजन हेतु गांव नेनोवाल, तहसील नालागढ़, जिला सोलन, हिमाचल प्रदेश मेेंं खेडा नेनोवाल सडक के निर्माण हेतु भूमि अर्जित करनी अपेक्षित है, अतएव एतद् द्वारा यह घोषित किया जाता है कि निम्नलिखित विवरणी में वर्णित भूमि उपर्युक्त प्रयोजन के लिए अपेक्षित है। 2. यह घोषणा, भूमि अर्जन, पुनर्वास और पुर्नव्र्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम, 2013 (2013 का 30) की धारा-19 के उपबन्धों के अधीन इससे सम्बन्धित सभी व्यक्तियों को सूचना हेतु की जाती है तथा उक्त अधिनियम के अधीन भू-अर्जन समाहर्ता लोक निर्माण विभाग, विन्टर फिल्ड शिमला को उक्त भूमि के अर्जन करने के आदेश लेने का एतद् द्वारा निदेश दिया जाता है।
3. भूमि रेखांक का निरीक्षण भू-अर्जन समाहर्ता ,लोक निर्माण विभाग विन्टर फिल्ड, शिमला के कार्यालय में किया जा सकता है।
विवरणी
| जिला | तहसील | गांव | खसरा नम्बर | क्षेत्र (बीघा-विस्वा) |
| सोलन | नालागढ | न ेनोवाल | 590/2/1 | 0-7-0 |
| कुल जोड . . | किता-1 | 0-7-0 |
आदेश द्वारा हस्ताक्षरित/- अति0 मुख्य सचिव(लोक निर्माण)।
-------
पर्यावरण विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग
अधिसूचना
शिमला-2, ......... जनवरी, 2017
संख्याः एस.टी.इर्.-ई.(3)18/2016.--भारत के संविधान का अनुच्छेद 48 क, अन्य बातों के साथ पर्यावरण के संरक्षण तथा संवर्धन का और वन तथा वन्य जीवों की रक्षा करने की परिकल्पना करता है तथा यह उपबन्ध करता है कि राज्य, देश के पर्यावरण के संरक्षण तथा संवर्धन का और वन तथा वन्य जीवों की रक्षा करने का प्रयास करेगा;
यह वास्तविकता है कि पतंग उड़ाने के दरान प्लास्टिक या इसी प्रकार कि संश्लिष्ट सामग्री से निर्मित, चीनी धागा नामक पक्के धागे के कारण लोगों को और पक्षियों को बहुत ज्यादा क्षति पहुँचती है। ऐसी क्षति कई बार घातक सिद्ध होती है जो लोगों, पशुओं और पक्षियों की मृत्यु का कारण बन जाती है। इसलिए, चीनी धागे/डोरी नामक प्लास्टिक या संश्लिष्ट धागे से निर्मित पतंग के धागे के घातक प्रभावों से लोगों और पक्षियों को सुरक्षित करना वांछनीय है;
6973 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938पतंग उड़ाने के दरान बहुत सी पतंगे, पतंग प्रतियोगिता के परिणामस्वरूप या अन्यथा आकाश में कट जाती है आरै पतंगों के साथ ये समस्त कटे हुए धागे ज़मीन (धरती) पर ही रह जाते हैं। प्लास्टिक सामग्री के बहुत लम्बे समय तक टिकाऊ और जीव अनाशित प्र—ति के कारण यह धागे लगातार मलनालियों, जल निकास लाइनों, प्रा—तिक जल मार्गों जैसे कि नदियों, जलधाराओं आदि को अवरोध करने जैसी समस्याएं तथा उन गायों और अन्य पशुओं जो ऐसी प्लास्टिक सामग्री सहित खाद्य वस्तु खाते हैं, को भी श्वासरोध जैसी समस्याएं पैदा करते रहते हैं।
इसलिए, चीनी धागे/डोरी नामक धागे को बनाने में प्रयुक्त ऐसी प्लास्टिक सामग्री के प्रभाव विभिन्न्ा प्रकार के हैं। माननीय राष्ट्रीय हरित अधिकरण द्वारा ओ0 ए0 नंबर 384 ऑफ 2016 नामतः खालिद अशरफ एडं एॅनदरर्ज वर्सिर्ज यूनियन ऑफ इण्डिया एण्ड अदर्स तथा पीपल फॉर द एथिकल ट्रीटमेटं ऑफ एनिमलज (PETA) इण्डिया वर्सिज यूनियन ऑफ इण्डिया एण्ड अदर्स में तारीख 14-12-2016 आदेश द्वारा निर्देश दिया गया है कि सारे देश में पतंग उड़ाने के लिए, नयलॅान धागे जिसे चीनी डोरी या चीनी माँझे के नाम से भी जाना जाता है तथा शीशे और ऐसे अन्य हानिकारक पदार्थों से लेपित अन्य संश्लिष्ट धागाें/सूती धागों को उपाप्त करने, उनके भंडारण करने, उनका विक्रय और उपयागे करने पर प्रतिरोध होगा ।
अतः हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल, पर्यावरण संरक्षण अधिनियम, 1986 (1986 का 29) की धारा 5 के अधीन उनमें निहित शक्तियों का प्रयोग करते हुए, मनुष्यों, पशुओं, मृदा और परिस्थितिकी पर प्रतिकूल प्रभावों के निवारण के आशय से, पर्यावरण और वन मंत्रालय भारत सरकार की अधिसूचना संख्या एस ओ 152 (ई) तारीख 10 फरवरी 1988 और माननीय राष्ट्रीय हरित अधिकरण के उपरोक्त निदेशों के अनुपालना में आदेश देते हैं कि पतंग उड़़ाने के लिए नायलॅान धागे जिसे समान्यतः चीनी डोरी/धागे या चीनी माँझे के नाम से भी जाना जाता है तथा शीशे और ऐसे अन्य हानिकारक पदार्थों से लेपित अन्य संश्लिष्ट धागों/सूती धागों को उपाप्त करने, उनका भंडारण करने, उनका विक्रय और उपयागे करने पर प्रतिषेध होगा।
जो कोई भी उपरोक्त आदेशों/निदेशों कि अनुपालना करने में असफल रहता है या उनका उल्लंघन करता है तो वह पूर्वोक्त अधिनियम के उपबन्धों के अधीन दंडित किए जाने के लिए दायी होगा। उपरोक्त निदेश इस अधिसूचना के राजपत्र (ई-गजट), हिमाचल प्रदेश में प्रकाशन की तारीख से प्रवृत्त होंगे।
आदेश द्वारा, तरुण कपूर, प्रधान सचिव (पर्यावरण, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी)।
--------
[Authoritative English Text of this Department's notification number STE-E (3)18/2016 dated ___________ as required under article 348(3) of the Constitution of India.]
ENVIRONMENT SCIENCE & TECH. DEPARTMENT
NOTIFICATION
Shimla-171002, the ….. January, 2017
No. STE-E (3)18/2016.—WHEREAS, Article 48 A of the Constitution of India, inter-alia envisages protection and improvement of environment and safeguarding of forests and wild life and provides that the State shall endeavor to protect and improve the environment and to safeguard the forests and wild life of the country;
AND WHEREAS, it is a fact that during the kite flying, a lot of injury is caused to the people and birds on account of Pucca Thread made out of plastic or similar such synthetic material commonly known as Chinese Thread. These injuries many a times turn out to be fatal causing death 6974 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 of people, animals and birds. It is, therefore, desirable to protect the people and birds from the fatal effects of the kite thread made out of plastic or synthetic thread known as Chinese thread/dori;
AND WHEREAS, during kite flying several kites get cut in the sky as a consequence of kite competition or otherwise, all these cut threads along with the kites remain on the land. Because of the very long life of the plastic material and being non-biodegradable in nature, these threads continue to be causing problems such as blockage of sewers, drainage lines, natural waterways such as rivers, streams etc. and suffocation of cows and other animals also who eat food items along with such plastic materials. Thus the impact of such plastic materials used for making thread commonly known as Chinese thread/dori are many and varied;
AND WHEREAS, the Hon'ble National Green Tribunal vide Orders dated 14-12-2016 passed in OA No. 384 of 2016, titled as Khalid Ashraf & Anr. Vs. Union of India & Ors. and People for the Ethical Treatment Animals (PETA) India Vs Union of India & Ors., has directed that in the entire country there shall be prohibition on procuring, stocking, sale and use of Nylon thread which is also called Chinese Dori or Chinese manjha, other synthetic threads/cotton threads which is coated with glass and such other harmful substances for kite flying;
NOW, THEREFORE, in order to prevent adverse effect on human beings, cattle population, soil and ecology, the Governor of Himachal Pradesh in exercise of the powers vested in him under Section 5 of the Environment (Protection) Act, (29 of 1986) vide Government of India, Ministry of Environment & Forests Notification No. S.O. 152(E), dated 10th February, 1988 and in compliance to the above directions of the Hon'ble Green Tribunal, is pleased to order that there shall be prohibition on procuring, stocking, sale and use of nylon thread which is also commonly called Chinese dori/thread or Chinese Manjha and other synthetic threads/cotton treads coated with glass and such other harmful substances for kite flying.
Whoever fails to comply with or contravenes any of the above orders/directions shall be liable to be penalized under the provisions of Act ibid. The above directions shall come into force from the date of publication of this notification in the Rajpatra (e-Gazette), Himachal Pradesh.
By order, TARUN KAPOOR, Pr. Secretary (Env., Sc.& Tech.).
____________
ब अदालत श्री पवन कुमार ठाकुर, कार्यकारी दण्डाधिकारी, डलहौजी, जिला चम्बा, हिमाचल प्रदेश
श्री मनजीत सिंह सुपुत्र श्री रण सिंह, निवासी सदर बाजार डलहौजी, तहसील डलहौजी, जिला चम्बा, हिमाचल प्रदेश।
विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13(3) जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
उपरोक्त प्रार्थी ने अधोहस्ताक्षरी की अदालत में प्रार्थना-पत्र, ब्यान-हल्फी बमय अन्य कागजात इस आशय से गुजारा है कि उसके पुत्र शौर्या जीत सिंह की जन्म तिथि 17-11-2011 है जोकि नगर परिषद् डलहौजी के रिकार्ड मेें दर्ज न हैं। जिसे दर्ज किया जावे।
इस सम्बन्ध में सर्वसाधारण जनता को बजरिया इश्तहार सूचित किया जाता है कि प्रार्थी के पुत्र की जन्म तिथि, नगर परिषद् डलहौजी के रिकार्ड में दर्ज करने पर, यदि किसी को कोई उजर/एतराज हो तो वह असालतन या वकालतन अदालत अधोहस्ताक्षरी दिनांक 23-02-2017 को हाजिर आकर अपना एतराज6975 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 दर्ज करवा सकता है। हाजिर न आने की सूरत में एकतरफा कार्यवाही अमल में लाई जा करके नाम व जन्म तिथि दर्ज करने के आदेश दे दिए जाएंगे।
आज दिनांक 19-01-2017 को मेरे हस्ताक्षर व अदालत मोहर से जारी हुआ।
मोहर।
पवन कुमार ठाकुर, कार्यकारी दण्डाधिकारी, डलहौजी (हि0 प्र0)।
------
ब अदालत श्री दीक्षांत ठाकुर, कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0 मुकद्दमा : इन्द्राज मृत्यु तिथि। तारीख पेशी : 09-02-2017 कौशल्या देवी पत्नी बालक राम पुत्र जौंडा राम, निवासी ठारू, तहसील शाहपुर, जिला कांगड़ा हिमाचल प्रदेश।
बनाम
1. आम जनता 2. सचिव, ग्राम पंचायत ठारू।
विषय.--बाबत इन्द्राज मृत्यु तिथि अधीन जेर धारा 13(3) जन्म एवम् मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
उपरोक्त विषय में सम्बन्धित मुकद्दमा इस अदालत में विचाराधीन है जिसमें प्रार्थिन ने दावा किया है कि उसके पति बालक राम पुत्र जौंडा राम का देहान्त दिनांक 18-07-2006 को हुआ है परन्तु अज्ञानतावश उसकी मृत्यु तिथि का इन्द्राज सम्बन्धित ग्राम पंचायत ठारू के रिकार्ड में दर्ज न करवाया जा सका है। अतः इस इश्तहार के माध्यम से आम जनता को सूचित किया जाता है कि प्रार्थिन के पति की उपरोक्त मृत्यु तिथि को सम्बन्धित ग्राम पंचायत ठारू के रिकार्ड में दर्ज करवाने बारे यदि किसी को कोई एतराज हो तो वह दिनांक 09-02-2017 को इस अदालत में असालतन या वकालतन हाजिर होकर अपना पक्ष रख सकता है। हाजिर न आने की सूरत में निर्धारित तिथि के बाद किसी भी प्रकार का कोई दावा स्वीकार्य न होगा और नियमानुसार उपरोक्त मृत्यु तिथि दर्ज करने बारे आदेश पारित कर दिए जाएंगे। मोहर।
हस्ताक्षरित/- कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0।
------
ब अदालत श्री दीक्षांत ठाकुर, कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0 मुकद्दमा : इन्द्राज जन्म तिथि। तारीख पेशी : 09-02-2017 मोनिका देवी पत्नी अमर सिंह, निवासी रेहलू, तहसील शाहपुर, जिला कांगड़ा हिमाचल प्रदेश
बनाम
1. आम जनता 2. सचिव, ग्राम पंचायत रेहलू। 6976 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 विषय.--बाबत इन्द्राज जन्म तिथि अधीन जेर धारा 13(3) जन्म एवम् मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
उपरोक्त विषय में सम्बन्धित मुकद्दमा इस अदालत में विचाराधीन है जिसमें प्रार्थिन ने दावा किया है कि उसके पुत्र अनमोल मैहरा का जन्म दिनांक 25-09-2010 को हुआ है परन्तु अज्ञानतावश उसकी जन्म तिथि का इन्द्राज सम्बन्धित ग्राम पंचायत रेहलू के रिकार्ड में दर्ज न करवाया जा सका है।
अतः इस इश्तहार के माध्यम से आम जनता को सूचित किया जाता है कि प्रार्थिन के पुत्र की उपरोक्त जन्म तिथि को सम्बन्धित ग्राम पंचायत रेहलू के रिकार्ड में दर्ज करवाने बारे यदि किसी को कोई एतराज हो तो वह दिनांक 09-02-2017 को इस अदालत में असालतन या वकालतन हाजिर होकर अपना पक्ष रख सकता है। हाजिर न आने की सूरत में निर्धारित तिथि के बाद किसी भी प्रकार का कोई दावा स्वीकार्य न होगा और नियमानुसार उपरोक्त जन्म तिथि दर्ज करने बारे आदेश पारित कर दिए जाएंगे। मोहर।
हस्ताक्षरित/- कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0।
-----------
In the Court of Shri Deekshant Thakur, Executive Magistrate-cum-Naib Tehsildar,
Shahpur, Tehsil Shahpur, District Kangra, H.P.
1. Shri Rajnish Bharti s/o Dina Nath, r/o VPO Rehlu, Tehsil Shahpur, District Kangra. 2. Simran d/o Ramesh Kumar, r/o VPO Bharouli, Tehsil & District Pathankot, Pb.
Versus
1. The General Public 2. Secretary, G.P.Rehlu.
Whereas the avobe named applicants have made an application under section 8(4) of the H.P. Registration of Marriages Act, 1969 alongwith an affidavit stating therein that they have solemnized their marriage on 31-01-2016 according to Hindu rites & rituals but it has not been found entered in the records of the Registrar of Marriage i.e. Secretary, G.P. Rehlu and whereas, they have also stated that they were not aware of the laws of registration of marriage with the Registrar of Marriage and now, therefore, necessary orders for the registration of their marriage be passed so that their marriage is registered by the concerned authority.
Now, therefore, objections are invited from the general public that if anyone has any objection regarding the registration of the marriage of the above named applicants, then they should appear before the court of undersigned on 09-02-2017 in this court either personally or through their authorized agent. In the event of their failure to do so orders shall be passed ex parte against the respondents for the registration of marriage without affording any further opportunity of being heard.
Issued under my hand and seal of the court on 23-01-2017.
Seal.
Sd/-
Executive Magistrate cum Naib Tehsildar
Tehsil Shahpur.
6977 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 ब अदालत श्री दीक्षांत ठाकुर, कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0मुकद्दमा : इन्द्राज मृत्यु तिथि। तारीख पेशी : 09-02-2017 रीना देवी पत्नी जोगिन्द्र कुमार, निवासी डुढ़म्ब, तहसील शाहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
बनाम
1. आम जनता 2. सचिव, ग्राम पंचायत डुढ़म्ब।
विषय.--बाबत इन्द्राज मृत्यु तिथि अधीन जेर धारा 13(3) जन्म एवम् मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
उपरोक्त विषय में सम्बन्धित मुकद्दमा इस अदालत में विचाराधीन है जिसमें प्रार्थिन ने दावा किया है कि उसकी सास सलोचना देवी पत्नी सरन दास का देहान्त दिनांक 02-02-2007 को हुआ है परन्तु अज्ञानतावश उसकी मृत्यु तिथि का इन्द्राज सम्बन्धित ग्राम पंचायत डुढ़म्ब के रिकार्ड में दर्ज न करवाया जा सका है।
अतः इस इश्तहार के माध्यम से आम जनता को सूचित किया जाता है कि प्रार्थिन की सास की उपरोक्त मृत्यु तिथि को सम्बन्धित ग्राम पंचायत डुढ़म्ब के रिकार्ड में दर्ज करवाने बारे यदि किसी को कोई एतराज हो तो वह दिनांक 09-02-2017 को इस अदालत में असालतन या वकालतन हाजिर होकर अपना पक्ष रख सकता है। हाजिर न आने की सूरत में निर्धारित तिथि के बाद किसी भी प्रकार का कोई दावा स्वीकार्य न होगा और नियमानुसार उपरोक्त मृत्यु तिथि दर्ज करने बारे आदेश पारित कर दिए जाएंगे। मोहर।
हस्ताक्षरित/- कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0।
-----------
ब अदालत श्री दीक्षांत ठाकुर, कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0 मुकद्दमा : इन्द्राज जन्म तिथि। तारीख पेशी : 09-02-2017 रजिन्द्र कुमार पुत्र पृथी चन्द, निवासी गोजूरोडी, डा0 बसनूर, तहसील शाहपुर, जिला कांगड़ा हिमाचल प्रदेश।
बनाम
1. आम जनता 2. सचिव, ग्राम पंचायत दरगेला।
विषय.--बाबत इन्द्राज जन्म तिथि अधीन जेर धारा 13(3) जन्म एवम् मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
उपरोक्त विषय में सम्बन्धित मुकद्दमा इस अदालत में विचाराधीन है जिसमें प्रार्थी ने दावा किया है कि उसकी पुत्री दीक्षा का जन्म दिनांक 28-07-2002 को हुआ है परन्तु अज्ञानतावश उसकी जन्म तिथि का इन्द्राज सम्बन्धित ग्राम पंचायत दरगेला के रिकार्ड में दर्ज न करवाया जा सका है।
अतः इस इश्तहार के माध्यम से आम जनता को सूचित किया जाता है कि प्रार्थी की पुत्री की उपरोक्त जन्म तिथि को सम्बन्धित ग्राम पंचायत दरगेला के रिकार्ड में दर्ज करवाने बारे यदि किसी को कोई एतराज हो तो वह दिनांक 09-02-2017 को इस अदालत में असालतन या वकालतन हाजिर होकर अपना पक्ष रख 6978 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 सकता है। हाजिर न आने की सूरत में निर्धारित तिथि के बाद किसी भी प्रकार का कोई दावा स्वीकार्य न होगा और नियमानुसार उपरोक्त जन्म तिथि दर्ज करने बारे आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
मोहर।
हस्ताक्षरित/- कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0।
------
ब अदालत श्री दीक्षांत ठाकुर, कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0 मुकद्दमा : इन्द्राज जन्म तिथि। तारीख पेशी : 09-02-2017 रजिन्द्र कुमार पुत्र पृथी चन्द, निवासी गोजूरोडी, डा0 बसनूर, तहसील शाहपुर, जिला कांगड़ा हिमाचल प्रदेश।
बनाम
1. आम जनता 2. सचिव, ग्राम पंचायत दरगेला।
विषय.--बाबत इन्द्राज जन्म तिथि अधीन जेर धारा 13(3) जन्म एवम् मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
उपरोक्त विषय में सम्बन्धित मुकद्दमा इस अदालत में विचाराधीन है जिसमें प्रार्थी ने दावा किया है कि उसकी पुत्री प्रगति का जन्म दिनांक 05-08-2008 को हुआ है परन्तु अज्ञानतावश उसकी जन्म तिथि का इन्द्राज सम्बन्धित ग्राम पंचायत दरगेला के रिकार्ड में दर्ज न करवाया जा सका है।
अतः इस इश्तहार के माध्यम से आम जनता को सूचित किया जाता है कि प्रार्थी की पुत्री की उपरोक्त जन्म तिथि को सम्बन्धित ग्राम पंचायत दरगेला के रिकार्ड में दर्ज करवाने बारे यदि किसी को कोई एतराज हो तो वह दिनांक 09-02-2017 को इस अदालत में असालतन या वकालतन हाजिर होकर अपना पक्ष रख सकता है। हाजिर न आने की सूरत में निर्धारित तिथि के बाद किसी भी प्रकार का कोई दावा स्वीकार्य न होगा और नियमानुसार उपरोक्त जन्म तिथि दर्ज करने बारे आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
मोहर।
हस्ताक्षरित/- कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0।
------
ब अदालत श्री दीक्षांत ठाकुर, कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0 मुकद्दमा : इन्द्राज जन्म तिथि। तारीख पेशी : 09-02-2017 रजिन्द्र कुमार पुत्र पृथी चन्द, निवासी गोजूरोडी, डा0 बसनूर, तहसील शाहपुर, जिला कांगड़ा हिमाचल प्रदेश।
बनाम
1. आम जनता 2. सचिव, ग्राम पंचायत दरगेला।6979 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 विषय.--बाबत इन्द्राज जन्म तिथि अधीन जेर धारा 13(3) जन्म एवम् मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969. उपरोक्त विषय में सम्बन्धित मुकद्दमा इस अदालत में विचाराधीन है जिसमें प्रार्थी ने दावा किया है कि उसकी पुत्री ईशा का जन्म दिनांक 25-02-2004 को हुआ है परन्तु अज्ञानतावश उसकी जन्म तिथि का इन्द्राज सम्बन्धित ग्राम पंचायत दरगेला के रिकार्ड में दर्ज न करवाया जा सका है।
अतः इस इश्तहार के माध्यम से आम जनता को सूचित किया जाता है कि प्रार्थी की पुत्री की उपरोक्त जन्म तिथि को सम्बन्धित ग्राम पंचायत दरगेला के रिकार्ड में दर्ज करवाने बारे यदि किसी को कोई एतराज हो तो वह दिनांक 09-02-2017 को इस अदालत में असालतन या वकालतन हाजिर होकर अपना पक्ष रख सकता है। हाजिर न आने की सूरत में निर्धारित तिथि के बाद किसी भी प्रकार का कोई दावा स्वीकार्य न होगा और नियमानुसार उपरोक्त जन्म तिथि दर्ज करने बारे आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
मोहर।
हस्ताक्षरित/- कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0।
-----------
ब अदालत श्री दीक्षांत ठाकुर, कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0 मुकद्दमा : इन्द्राज जन्म तिथि। तारीख पेशी : 09-02-2017 उधम ंिसह पुत्र रुपा राम, निवासी मुन्दला, तहसील शाहपुर, जिला कांगड़ा हिमाचल प्रदेश।
बनाम
1. आम जनता
2. सचिव, ग्राम पंचायत मुन्दला।
विषय.--बाबत इन्द्राज जन्म तिथि अधीन जेर धारा 13(3) जन्म एवम् मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
उपरोक्त विषय में सम्बन्धित मुकद्दमा इस अदालत में विचाराधीन है जिसमें प्रार्थी ने दावा किया है कि उसके पुत्र वलदीप कुमार का जन्म दिनांक 06-02-1985 को हुआ है परन्तु अज्ञानतावश उसकी जन्म तिथि का इन्द्राज सम्बन्धित ग्राम पंचायत मुन्दला के रिकार्ड में दर्ज न करवाया जा सका है।
अतः इस इश्तहार के माध्यम से आम जनता को सूचित किया जाता है कि प्रार्थी के पुत्र की उपरोक्त जन्म तिथि को सम्बन्धित ग्राम पंचायत मुन्दला के रिकार्ड में दर्ज करवाने बारे यदि किसी को कोई एतराज हो तो वह दिनांक 09-02-2017 को इस अदालत में असालतन या वकालतन हाजिर होकर अपना पक्ष रख सकता है। हाजिर न आने की सूरत में निर्धारित तिथि के बाद किसी भी प्रकार का कोई दावा स्वीकार्य न होगा और नियमानुसार उपरोक्त जन्म तिथि दर्ज करने बारे आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
मोहर।
हस्ताक्षरित/- कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0।6980 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 ब अदालत श्री दीक्षांत ठाकुर, सहायक समाहर्ता द्वितीय श्रेणी एवं नायब तहसीलदार, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
तारीख पेशी : 09-02-2017 गीता देवी पत्नी भगत राम, निवासी लालर, तहसील शाहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश
बनाम
आम जनता
विषय.--महाल चड़ी डुढ़म्ब व लालर के राजस्व रिकार्ड में नाम की दरुस्ती बारे।
प्रार्थिया ने इस अदालत में शपथ-पत्र सहित दरख्वास्त गुजारी है कि उसके पति का नाम तहसील शाहपुर के राजस्व अभिलेख के महाल चड़ी डुढ़म्ब व लालर में क्रमशः भगत पुत्र खजाना व भगतू राम पुत्र खजाना दर्ज है, जो कि गलत इन्द्राज है। प्रार्थिया राजस्व रिकार्ड में अपने पति के सही नाम भगत राम पुत्र खजाना का इन्द्राज करवाना चाहती है।
अतः इस इश्तहार द्वारा आम जनता को सूचित किया जाता है कि उपरोक्त राजस्व रिकार्ड में प्रार्थिया के पति के नाम की दरुस्ती करने बारे किसी को कोई उजर/एतराज हो तो वह दिनांंक 09-02-2017 को असालतन या वकालतन हाजिर अदालत आकर एतराज पेश कर सकता है। हाजिर न आने की सूरत मेें एकतरफा कार्यवाही अमल में लाई जाकर आगामी कार्यवाही की जाएगी। उसके बाद कोई उजर जेरे समायत न होगा।
मोहर। हस्ताक्षरित/- सहायक समाहर्ता द्वितीय श्रेणी एवं नायब तहसीलदार, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश।
----------
ब अदालत श्री दीक्षांत ठाकुर, कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0 मुकद्दमा : इन्द्राज मृत्यु तिथि। तारीख पेशी : 09-02-2017 प्रशोतम ंिसह पुत्र दलीप सिंह, निवासी चूड़था, तहसील शाहपुर, जिला कांगड़ा हिमाचल प्रदेश
बनाम
1. आम जनता
2. सचिव, ग्राम पंचायत नेरटी।
विषय.--बाबत इन्द्राज मृत्यु तिथि अधीन जेर धारा 13(3) जन्म एवम् मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
उपरोक्त विषय से सम्बन्धित मुकद्दमा इस अदालत में विचाराधीन है जिसमें प्रार्थी ने दावा किया है कि उसके पिता प्रशोतम सिंह पुत्र दलीप सिंह का देहान्त दिनांक 10-02-1977 को हुआ है परन्तु अज्ञानतावश उसकी मृत्यु तिथि का इन्द्राज सम्बन्धित ग्राम पंचायत नेरटी के रिकार्ड में दर्ज न करवाया जा सका है। अतः इस इश्तहार के माध्यम से आम जनता को सूचित किया जाता है कि प्रार्थी के पिता की उपरोक्त मृत्यु तिथि को सम्बन्धित ग्राम पंचायत नेरटी के रिकार्ड में दर्ज करवाने बारे यदि किसी को कोई एतराज हो तो वह दिनांक 09-02-2017 को इस अदालत में असालतन या वकालतन हाजिर होकर अपना पक्ष रख6981 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 सकता है। हाजिर न आने की सूरत में निर्धारित तिथि के बाद किसी भी प्रकार का कोई दावा स्वीकार्य न होगा और नियमानुसार उपरोक्त मृत्यु तिथि दर्ज करने बारे आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
मोहर।
हस्ताक्षरित/- कार्यकारी दण्डाधिकारी, शाहपुर, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0।
-------
ब अदालत तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी उप-तहसील धीरा, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0) मिसल नं0-1/2017
तारीख पेशी : 13-2-2017 शीर्षक :
लक्ष्मी देवी पत्नी श्री हरी अशोक कुमार, निवासी गांव पंझियाल, डा0 पुडवा, उप-तहसील धीरा जिला . . प्रार्थिया। कांगड़ा (हि0 प्र0)
बनाम
प्रधान ग्राम पंचायत पुडवा, उप-तहसील धीरा, जिला कांगडा।
प्रार्थना-पत्र अधीन धारा 13(3) जन्म एवम् मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969
प्रार्थिया उपरोक्त ने इस न्यायालय में प्रार्थना-पत्र मय शपथ पत्र पेश किया है कि उसके लडके अंकुश कुमार का जन्म गांव पंझियाल, डा0 पुडवा, उप-तहसील धीरा, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0 में दिनांक 11-03-1992 को हुआ है मगर अज्ञानतावश ग्राम पंचायत पुडवा के अभिलेख में दर्ज न है।
अतः इस इश्तहार/मुस्त्री मुनादी द्वारा सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि यदि किसी को उक्त जन्म पंजीकरण बारे कोई उजर या एतराज हो तो वह दिनांक 13-02-2017 को प्रातः 10 बजे असालतन या वकालतन अदालत में हाजिर आ कर उजर पेश कर सकता है। इसके बाद कोई उजर या एतराज नहीं सुना जायेगा तथा जन्म पंजीकरण के आदेश सम्बन्धित ग्राम पंचायत पुडवा को पारित कर दिये जायेंगे। मोहर।
हस्ताक्षरित/- नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, उप-तहसील धीरा, जिला कांगड़ा, हि0 प्र0।
-------
ब अदालत तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील धर्मशाला, जिला कांगड़ा मुकद्दमा नं0 :
श्रीमती Dolma बनाम आम जनता
विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13(3) हिमाचल प्रदेश जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
नोटिस बनाम आम जनता।6982 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 श्रीमती Dolma पत्नी श्री Sonam, निवासी Bhagsu Road, तहसील धर्मशाला, जिला कांगड़ा ने इस अदालत में शपथ-पत्र सहित मुकद्दमा दायर किया है कि उसकी ( क्वसउं) की जन्म तिथि 15-04-1980 है परन्तु M.C. Dharamshala में जन्म तिथि पंजीकृत न है। अतः इसे पंजीकृत किये जाने के आदेश दिये जायें। इस नोटिस के द्वारा समस्त जनता को तथा सम्बन्धित सम्बन्धियों को सूचित किया जाता है कि यदि किसी को उपरोक्त Dolma की जन्म तिथि पंजीकृत किये जाने बारे कोई एतराज हो तो वह अपना एतराज हमारी अदालत में दिनांक 16-2-2017 को असालतन या वकालतन हाजिर आकर पेश कर सकता है अन्यथा मुताबिक शपथ-पत्र जन्म तिथि पंजीकृत किये जाने बारे आदेश पारित कर दिये जायेंगे।
आज दिनांक ........................ को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी किया गया।
मोहर अदालत। हस्ताक्षरित/- कार्यकारी दण्डाधिकारी, धर्मशाला, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0)।
---------
ब अदालत तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी, तहसील धर्मशाला, जिला कांगड़ा मुकद्दमा नं0 :
श्री राम प्रशाद बनाम आम जनता विषय.--प्रार्थना-पत्र जेर धारा 13(3) हिमाचल प्रदेश जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण अधिनियम, 1969.
नोटिस बनाम आम जनता।
श्री राम प्रशाद पुत्र श्री हरी सिंह, निवासी कनेड़, तहसील धर्मशाला, जिला कांगड़ा ने इस अदालत में शपथ-पत्र सहित मुकद्दमा दायर किया है कि उसकी (राम प्रशाद) की जन्म तिथि 2-07-1974 है परन्तु ग्राम पंचायत कनेड़ में जन्म तिथि पंजीकृत न है। अतः इसे पंजीकृत किये जाने के आदेश दिये जायें। इस नोटिस के द्वारा समस्त जनता को तथा सम्बन्धित सम्बन्धियों को सूचित किया जाता है कि यदि किसी को उपरोक्त राम प्रशाद की जन्म तिथि पंजीकृत किये जाने बारे कोई एतराज हो तो वह अपना एतराज हमारी अदालत में दिनांक 27-3-2017 को असालतन या वकालतन हाजिर आकर पेश कर सकता है अन्यथा मुताबिक शपथ-पत्र जन्म तिथि पंजीकृत किये जाने बारे आदेश पारित कर दिये जायेंगे।
आज दिनांक 18-1-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी किया गया।
मोहर अदालत। हस्ताक्षरित/- कार्यकारी दण्डाधिकारी, धर्मशाला, जिला कांगड़ा (हि0 प्र0)।
-------
कार्यालय सहायक पंजीयक सहकारी, सभायें किन्नौर स्थित रिकांग पिओ, जिला किन्नौर, हि0 प्र0
क्रमांक-कूप0-किन0-
दिनांक.....................जनवरी, 2017
कार्यालय आदेश
जैसा कि जिला निरीक्षक सहकारी सभायें, किन्नौर द्वारा अपने अंकेक्षण कार्यक्रम के दौरान प्रस्तुत रिपोर्ट दिनांक 22 व 23-12-2016 द्वारा अधोहस्ताक्षरी के कार्यालय को सूचित किया गया है कि दी किन्नौर जिला सरकारी कर्मचारी ऋण व बचत बहुद्देश्य सहकारी सभा सीमित रिकांगपिओ गत कई वर्षों से कारोबार6983 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 नहीं कर रही है तथा न ही सभा द्वारा नियमानुसार मासिक बैठकें व साधारण अधिवेशन आयोजित किये जा रहे हैं और प्रबन्धक कमेटी का चुनाव भी अवधिरहित हो चुका है। इसलिए जिला निरीक्षक सहकारी सभायें किन्नौर द्वारा सभा को विघटन में डालने की सिफारिश की गई है।
अतः उपरोक्त तथ्यों को मध्य नजर रखते हुए मैं लेख राज सिंह नेगी, सहायक पंजीयक, सहकारी सभायें, जिला किन्नौर स्थित रिकांग पिओ पंजीयक, सहकारी सभायें हिमाचल प्रदेश, शिमला-9 द्वारा प्रद्धत शक्तियों का प्रयोग करते हुए हिमाचल प्रदेश सहकारी सभायें अधिनियम, 1968 (ऐक्ट नं0 3 आफ 1969) की धारा 78 (C) (ii) के अन्तर्गत (जिसे हि0 प्र0 सहकारी सभायें नियम 1971 की नियम संख्या 104 के साथ पढ़ा जाये) दी किन्नौर जिला सरकारी कर्मचारी ऋण व बचत बहुद्देश्य सहकारी सभा सीमित रिकांगपिओ को विघटन में डालने के आदेश देता हूं तथा उक्त अधिनियम की धारा 79 के अन्तर्गत श्री ठाकुर लाल नेगी निरीक्षक (अंकेक्षण) सहकारी सभायें जिला किन्नौर को उपरोक्त सभा का विघटक नियुक्त करता हूं।
लेख राज सिंह नेगी, सहायक पंजीयक सहकारी सभायें, किन्नौर स्थित रिकांग पिओ।
-------
समक्ष तहसीलदार एवम् सहायक समाहर्ता प्रथम श्रेणी, तहसील लड भड़ोल, जिला मण्डी (हि0 प्र0)
श्री पान सिंह पुत्र मनाहा, निवासी बसालन, डाकघर करसाल, तहसील लडभड़ोल, जिला मण्डी (हि0 प्र0)
. . प्रार्थी।
बनाम
आम जनता
. . फरीक दोयम। श्री पान सिंह पुत्र मनाहा, निवासी बसालन, डाकघर करसाल, तहसील लड भड़ोल, जिला मण्डी (हि0 प्र0) ने शपथ पत्र सहित आवेदन किया है कि प्रार्थी का वास्तविक नाम मान सिंह है। परन्तु राजस्व अभिलेख मुहाल बसालन में प्रार्थी का नाम मान सिंह लिखा गया है जो गलत है अब नाम दरुस्ती दर्ज करवाने बारे निवेदन किया है।
अतः इस इश्तहार द्वारा आम जनता को सूचित किया जाता है कि यदि किसी व्यक्ति को उक्त नाम दरुस्ती दर्ज करने बारे कोई उजर/एतराज हो तो वह असालतन या वकालतन तारीख पेशी दिनांक 17-02-2017 को 10.00 बजे इस अदालत में हाजिर हो कर अपना उजर पेश कर सकता है। बसुरत गैर हाजिरी एक तरफा कार्यवाही अमल में लाई जा कर नाम दरुस्ती दर्ज करने के आदेश पारित कर दिया जाएगा।
यह इश्तहार आज दिनांक 17-1-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर सहित अदालत से जारी हुआ। मोहर।
हस्ताक्षरित/- सहायक समाहर्ता प्रथम श्रेणी,
तहसील लड भड़़ोल, जिला मण्डी, हि0 प्र0।6984 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 ब अदालत सहायक समाहर्ता प्रथम श्रेणी, तहसील बालीचौकी, जिला मण्डी (हि0 प्र0) मिसल नम्बर : 05/23-01-2017
श्री नन्त राम पुत्र श्री दमोदर दास, निवासी गांव व डाकखाना खोलानाल, तहसील बालीचौकी, जिला मण्डी (हि0 प्र0)।
बनाम
आम जनता
विषय.--प्रार्थना-पत्र अधीन धारा 35 ता 37 हि0 प्र0 राजस्व अधिनियम बाबत नाम दरुस्ती करने बारा। श्री नन्त राम पुत्र श्री दमोदर दास, निवासी गांव व डाकखाना खोलानाल, तहसील बालीचौकी, जिला मण्डी (हि0 प्र0) ने एक आवेदन पत्र मय शपथ-पत्र इस आशय के साथ गुजारा है कि उसका नाम पंचायत रिकार्ड में नन्त राम दर्ज है, परन्तु राजस्व रिकार्ड के मुहाल खोलानाल में गलती से नन्द लाल दर्ज हुआ है। अब प्रार्थी अपना नाम राजस्व रिकार्ड में पंचायत रिकार्ड के आधार पर नन्त राम दर्ज करवाना चाहता है। अतः इस इश्तहार द्वारा सर्वसाधारण जनता व हितबद्ध व्यक्तियों को सूचित किया जाता है कि उक्त नाम को राजस्व रिकार्ड में दरुस्त करने बारे किसी को कोई आपाि हो तो वह दिनांक 23-02-2017 को या इससे पूर्व अधोहस्ताक्षरी के समक्ष असालतन या वकालतन उपस्थित हो कर अपनी आपाि दर्ज कर सकता है। उक्त तिथि के पश्चात् कोई भी एतराज काबले समायत नहीं होगा तथा नियमानुसार आवेदन-पत्र पर कार्यवाही की जाएगी।
आज दिनांक 23-01-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
हस्ताक्षरित/- सहायक समाहर्ता प्रथम श्रेणी, तहसील बालीचौकी, जिला मण्डी (हि0 प्र0)।
------
ब अदालत सहायक समाहर्ता प्रथम श्रेणी, तहसील बालीचौकी, जिला मण्डी (हि0 प्र0) मिसल नम्बर : 04/23-01-2017
श्रीमती युगल चन्द्रा पत्नी स्व0 श्री मोहर सिंह, निवासी गांव, डाकघर व तहसील बालीचौकी, जिला मण्डी (हि0 प्र0)।
बनाम
आम जनता
विषय.--प्रार्थना-पत्र अधीन धारा 35 ता 37 हि0 प्र0 राजस्व अधिनियम बाबत नाम दरुस्ती करने बारा। श्रीमती युगल चन्द्रा पत्नी स्व0 श्री मोहर सिंह, निवासी गांव, डाकघर व तहसील बालीचौकी, जिला मण्डी (हि0 प्र0) ने एक आवेदन-पत्र मय शपथ-पत्र इस आशय के साथ गुजारा है कि उसके पुत्र का नाम पंचायत रिकार्ड में सतीश कुमार उर्फ महायोगी सत्येन्द्र नाथ दर्ज है, परन्तु राजस्व रिकार्ड के मुहाल बालीचौकी6985 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 में गलती से केवल सतीश कुमार दर्ज हुआ है। अब प्रार्थिन अपने पुत्र का नाम राजस्व रिकार्ड में पंचायत रिकार्ड के आधार पर सतीश कुमार उर्फ सत्येन्द्र नाथ दर्ज करवाना चाहती है।
अतः इस इश्तहार द्वारा सर्वसाधारण जनता व हितबद्ध व्यक्तियों को सूचित किया जाता है कि उक्त नाम को राजस्व रिकार्ड में दरुस्त करने बारे किसी को कोई आपाि हो तो वह दिनांक 23-02-2017 को या इससे पूर्व अधोहस्ताक्षरी के समक्ष असालतन या वकालतन उपस्थित हो कर अपनी आपाि दर्ज कर सकता है। उक्त तिथि के पश्चात् कोई भी एतराज काबले समायत नहीं होगा तथा नियमानुसार आवेदन-पत्र पर कार्यवाही की जाएगी।
आज दिनांक 23-01-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
हस्ताक्षरित/- सहायक समाहर्ता प्रथम श्रेणी, तहसील बालीचौकी, जिला मण्डी (हि0 प्र0)।
-------
ब अदालत उप-पंजीयकाध्यक्ष, सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0
शीर्षक :
1. श्री ठाकुर सिंह पुत्र श्री बरडू,
2. श्री कमलेश्वर सिंह पुत्र बरडू, निवासी गांव व डा0 जडोल, तहसील सुन्दरनगर, जिला मण्डी,
. . प्रार्थी। हि0 प्र0
बनाम
1. श्री रिखी राम पुत्र बरडू, 2. श्री कुलदीप सिंह पुत्र बरडू, निवासी गांव व डा0 जडोल, तहसील सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0।
3. श्रीमती कौशल्या देवी पत्नी श्री डूमणू राम, निवासी गांव वैहली, डा0 वायला, तहसील सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0।
4. श्रीमती चन्चला देवी पत्नी श्री डूमणू राम, निवासी गांव व डा0 जडोल, तहसील सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0।
5. श्रीमती सावित्री देवी पत्नी श्री वतन सिंह, निवासी गावं व डा0 बरमाणा, जिला बिलासपुर, हि0 प्र0।
. . प्रत्यार्थीगण। 6. आम जनता
7. श्री रविन्द्र सिंह पुत्र श्री बरडू, निवासी व डा0 जडोल, तहसील सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0 . . तरतीवी प्रत्यार्थी। प्रार्थना-पत्र किए जाने पंजीकरण वसीयतनामा।
श्री ठाकुर सिंह पुत्र श्री बरडू, श्री कमलेश्वर सिंह पुत्र बरडू, निवासी गांव व डा0 जडोल, तहसील सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0 ने इस न्यायालय में प्रार्थना-पत्र इस आशय पर पेश किया है कि श्री बरडू पुत्र कपूरिया, निवासी गांव जडोल, तहसील सुन्दरगनर, जिला मण्डी, हि0 प्र0 ने एक बिला पंजीकृत वसीयतनामा दिनांक 07-02-1997 को प्रार्थीगण व तरतीवी प्रत्यार्थी श्री रविन्द्र ंिसह पुत्र बरडू, निवासी गांव व 6986 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938 डा0 जडोल, तहसील सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0 के पक्ष में करवाया है। श्री बरडू राम की मृत्यु दिनांक 26-01-2011 को हो चुकी है तथा उक्त वसीयतनामा को पंजीकृत करवाना चाहते हैं।
अतः इस इश्तहार के माध्यम से उपरोक्त प्रत्यार्थीगणों को सूचित किया जाता है कि उक्त वसीयत पंजीकरण के बारा किसी भी प्रकार का कोई उजर/एतराज हो तो वह दिनांक 23-02-2017 को मुकर्रर तारीख पर बवक्त 10.00 बजे सुबह आसालतन या वकालतन हाजर आकर पैरवी मुकद्दमा करें अन्यथा आपके खिलाफ कार्यवाही एकतरफा अमल में लाई जायेगी।
आज दिनांक 18-01-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर।
हस्ताक्षरित/- उप-पंजीकाध्यक्ष, सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0।
-------
ब अदालत सहायक समाहर्ता प्रथम श्रेणी, सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0
श्री दुर्गा चरण दास पुत्र श्री रन्चू राम पुत्र श्री उच्छव, निवासी भोजपुर, तहसील सुन्दरनगर, जिला . . प्रार्थी। मण्डी, हि0 प्र0
बनाम
प्रौप दिल्ली क्लाथ हाउस, आम जनता
. . प्रत्यार्थीगण। प्रार्थना-पत्र दरुस्ती इन्द्राज भूमि मन्दरजा खाता खतौनी नम्बर 309 मिन/1517, खसरा नम्बर 502, रकबा तादादी 24.00 वर्ग मीटर वाक्या मुहाल भोजपुर, तहसील सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0। श्री दुर्गा चरण दास पुत्र श्री रन्चू राम पुत्र श्री उच्छव, निवासी भोजपुर, तहसील सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0 ने इस न्यायालय में प्रार्थना-पत्र इस आशय पर पेश किया है कि प्रार्थी की मलकियती व मकबूजा भूमि मन्दराज इनवानवाला व शराकत दिगर हिस्सादारान के वाक्या है तथा जिस पर दुकान तीन मन्जिला बनी हुई है, उक्त दुकान में दिल्ली क्लाथ मिल किरायेदार लगी है। उक्त दुकान में अरसा लगभग 30 सालों से कोई भी किरायेदार नहीं है तथा अब उक्त दुकान का कब्जा प्रार्थी के पास है। प्रार्थी उक्त दुकान की किरायेदारी के इन्द्राज की दरुस्ती करवाना चाहता है।
अतः इस इश्तहार के माध्यम से प्रौप दिल्ली क्लाथ हाऊस व आम जनता को सूचित किया जाता है कि उक्त दरुस्ती के बारा किसी भी प्रकार का कोई उजर/एतराज हो तो वह दिनांक 28-02-2017 को मुकर्रर तारीख पर बवक्त 10.00 बजे सुबह असालतन या वकालतन हाजर आकर पैरवी मुकद्दमा करे अन्यथा आपके खिलाफ कार्यवाही एकतरफा अमल में लाई जायेगी।
आज दिनांक 18-01-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत से जारी हुआ।
मोहर।
हस्ताक्षरित/-
सहायक समाहर्ता प्रथम श्रेणी, सुन्दरनगर, जिला मण्डी, हि0 प्र0।6987 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938
In the Court of Marriage Officer-cum-Sub-Divisional Magistrate, Sadar,
District Mandi, H. P.
In the matter of :—
1. Kanwal Jeet s/o Shri Attar Singh Jaswal, r/o H.No. 202/12 Ram Nagar Mandi, District Mandi, H. P.
2. Smt. Radhika d/o Shri Desh Raj Vaidya, r/o Vaidya Niwas Near B.D.O. Office Bhiuli, . . Applicants. Tehsil Sadar, District Mandi, H. P.
Versus
General Public
Subject.—Application for the registration of Marriage under section 15 of Special Marriage Act, 1954.
Whereas, Kanwal Jeet s/o Shri Attar Singh Jaswal, r/o H.No. 202/12 Ram Nagar Mandi, District Mandi, H. P. and Smt. Radhika d/o Shri Desh Raj Vaidya, r/o Vaidya Niwas Near B.D.O. Office Bhiuli, Tehsil Sadar, District Mandi, H. P. (at present wife of Shri Kanwal Jeet s/o Shri Attar Singh Jaswal, r/o H.No. 202/12 Ram Nagar Mandi, District Mandi, H. P.) have filed an application along with affidavits in the court of undersigned under section 15 of Special Marriage Act, 1954 that they have solemnized their marriage on 09-08-2013 according to Hindu rites and customs at Vipasha Sadan Mandi, H.P. and they are living together as husband and wife since then. Hence, their marriage may be registered under Special Marriage Act, 1954.
Therefore, the general public is hereby informed through this notice that any person who has any objection regarding this marriage, can file the objection personally or in writing before this court on or before 27-02-2017 after that no objection will be entertained and marriage will be registered.
Issued today on 23rd day of January, 2017 under my hand and seal of the court.
Seal. Sd/- Marriage Officer-cum-Sub-Divisional Magistrate, Sadar, District Mandi (H.P.).
6988 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 07 फरवरी, 2017/18 माघ, 1938नियन्त्रक, मुद्रण तथा लेखन सामग्री, हिमाचल प्रदेश, शिमला-5 द्वारा मुद्रित तथा प्रकाशित इलेक्ट्रॉनिक हस्ताक्षरित राजपत्र, वैबसाइट http://rajpatrahimachal.nic.in पर उपलब्ध है एवम् ऑनलाइन सत्यापित किया जा सकता है