राजपत्र, हिमाचल प्रदेश हिमाचल प्रदेश राज्य शासन द्वारा प्रकाशित बुधवार, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939
हिमाचल प्रदेश सरकार
कार्मिक विभाग
(नि0-III)
अधिसूचना
शिमला-2, 12 अक्तूबर, 2017
संख्याः पीईआर (एपी)-सी-ए (3)-5/2017.--हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल, भारत के संविधान के अनुच्छेद 309 के परन्तुक द्वारा प्रदा शक्तियों का प्रयोग करते हुए, हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग के 188-राजपत्र/2017-13-12-2017 (8737) 8738 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 परामर्श से, हिमाचल प्रदेश सरकार के विभिन्न विभागों में वरिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक, वर्ग-III (अराजपत्रित), लिपिक वर्गीय सेवाएं के पद के लिए, इस अधिसूचना से संलग्न उपाबन्ध-"क" के अनुसार, सामान्य भर्ती और प्रोन्नति नियम बनाते हैं, अर्थात्ः-
1. संक्षिप्त नाम, प्रारम्भ और लागू होना.--(1) इन नियमों का संक्षिप्त नाम हिमाचल प्रदेश कार्मिक विभाग, वरिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक, वर्ग-III (अराजपत्रित), लिपिक वर्गीय सेवाएं, सामान्य भर्ती और प्रोन्नति नियम, 2017 है।
(2) ये नियम राजपत्र, हिमाचल प्रदेश में प्रकाशित किए जाने की तारीख से प्रवृत्त होंगे। (3) ये नियम विधान सभा सचिवालय, हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय और हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग के सिवाय हिमाचल प्रदेश के समस्त सरकारी विभागों को लागू होंगे।
2. निरसन और व्यावृत्तियां.--(1) इस विभाग की अधिसूचना संख्याः पी0ई0आर0 (ए0पी0)-सी0 ए(3)-5/2010 तारीख 14 फरवरी, 2011 द्वारा अधिसूचित और तारीख 25 फरवरी, 2011 को राजपत्र, हिमाचल प्रदेश में प्रकाशित हिमाचल प्रदेश कार्मिक विभाग, कनिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक/वरिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक, वर्ग-III (अराजपत्रित), सामान्य सीधी भर्ती ओैर प्रोन्नति नियम, 2011 का एतद् द्वारा, उस विस्तार तक निरसन किया जाता है जहां तक कि ये वरिश्ठ वेतनमान आशुलिपिक के पद से सम्बन्धित है।
(2) ऐसे निरसन के होते हुए भी उपर्युक्त उप नियम (1) के अधीन इस प्रकार निरसित नियमों के अधीन की गई कोई नियुक्ति, बात या कार्रवाई इन नियमों के अधीन विधिमान्य रूप में की गई समझी जाएगी।
आदेश द्वारा, तरुण श्रीधर,
अति0 मुख्य सचिव (कार्मिक)।
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उपाबन्ध-"क" हिमाचल प्रदेश सरकार के विभिन्न विभागों में वरिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक, वर्ग-III (अराजपत्रित) लिपिक वर्गीय सेवाएं के पद के लिए सामान्य भर्ती और प्रोन्नति नियम
1. पद का नाम :--वरिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक
2. पद (पदों) की संख्या :--सरकार द्वारा समय-समय पर जितनी सम्बद्ध विभागों में मंजूर की गईं हैं तथा मंजूर की जाए।
3. वर्गीकरण :--वर्ग-III (अराजपत्रित) लिपिक वर्गीय सेवाएं
4. वेतनमानः--(i) नियमित पदधारी (पदधारियों) के लिए पे बैण्डः पे बैण्ड ` 10300- 34800/-जमा ` 4400/- ग्रेड पे।
(ii) संविदा पर नियुक्त कर्मचारी (कर्मचारियों) के लिए उपलब्धियांः--स्तम्भ 15-क में दिए गए ब्यौरे के अनुसार ` 14700/-प्रतिमास।
5. ''चयन'' पद अथवा ''अचयन'' पद :--अचयन।
6. सीधी भर्ती के लिए आयु :--18 से 45 वर्ष :
8739 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939परन्तु सीधे भर्ती किए जाने वाले व्यक्तियों के लिए ऊपरी आयु सीमा, तदर्थ या संविदा के आधार पर नियुक्त व्यक्तियों सहित, पहले से ही सरकार की सेवा में रत अभ्यर्थियों को लागू नहीं होगीः
परन्तु यह और कि यदि तदर्थ या संविदा के आधार पर नियुक्त अभ्यर्थी इस रूप मे नियुक्ति की तारीख को अधिक आयु का हो गया हो, तो वह उसकी ऐसी तदर्थ या सविदा पर की गई नियुक्ति के कारण विहित आयु में शिथिलीकरण का पात्र नही हागा :
परन्तु यह और कि ऊपरी आयु सीमा में, अनुसूचित जातियों/अनुसूचित जन जातियों/अन्य पिछडा वर्गो और व्यक्तियों के अन्य प्रवर्गो के लिए, उस विस्तार तक शिथिलीकरण किया जाएगा जितना हिमाचल प्रदेश सरकार के साधारण या विशेष आदेश (आदेशो) क अधीन अनुज्ञेय हैः
परन्तु यह और भी कि समस्त पब्लिक सेक्टर निगमोें तथा स्वायत्त निकायों के कर्मचारियों को, जो ऐसे पब्लिक सेक्टर निगमों तथा स्वायत्त निकायों के प्रारम्भिक गठन के समय ऐसे पब्लिक सेक्टर निगमों/स्वायत्त निकायोें में आमेलन से पूर्व सरकारी कर्मचारी थे, सीधी भर्ती के लिए आयु सीमा में ऐसी रियायत अनुज्ञात की जाएगी जैसी सरकारी कर्मचारियों को अनुज्ञेय है। ऐसी रियायत, तथापि पब्लिक सेक्टर निगमों/स्वायत्त निकायों के ऐसे कर्मचारिवृन्द को अनुज्ञेय नहीं होगी जो तत्पश्चात् ऐसे निगमों/ स्वायत्त निकायों द्वारा नियुक्त किए गए थे/किए गए हैं और उन पब्लिक सेक्टर निगमों/स्वायत्त निकायों के प्रारम्भिक गठन के पश्चात् ऐसे निगमों/स्वायत्त निकायों की सेवा में अन्तिम रूप से आमेलित किए गए हैं/किए गए थे।
टिप्पणः- सीधी भर्ती के लिए आयु सीमा की गणना उस वर्ष के प्रथम दिवस से की जाएगी जिसमें पद (पदों) को, यथास्थिति, आवेदन आमन्त्रित करने के लिए विज्ञापित किया गया है या नियोजनालयों को अधिसूचित किया गया है।
7. सीधे भर्ती किए जाने वाले व्यक्ति (व्यक्तियों) के लिए अपेक्षित न्यूनतम शैक्षिक और अन्य अर्हताएं :--(क) अनिवार्य अर्हताः--(i) किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से स्नातक की उपाधि रखता हो या इसके समतुल्य।
(ii) प्रारम्भिक भर्ती के समय दोनों भाशाओं अर्थात् अंग्रेजी और हिन्दी आशुलिपि और कम्पयूटर पर टंकण की निम्नलिखित गति अवश्य रखता होः-
आशुलिपि में गतिः-
अंग्रेजी हिन्दी
एक सौ शब्द प्रति मिनट अस्सी शब्द प्रति मिनट
कम्पयूटर पर टंकण में गतिः-
अंग्रेजी हिन्दी
चालीस शब्द प्रति मिनट तीस शब्द प्रति मिनट
परन्तु प्रारम्भिक नियुक्ति के समय अभ्यर्थी को आषुलिपि की परीक्षा विहित गति से किसी एक भाषा में अर्थात् हिन्दी या अंग्रेजी में पास करनी होगी।
परन्तु यह और कि प्रारम्भिक नियुक्ति के समय अभ्यर्थी को दोनों भाषाओं में टंकण की परीक्षा पास करनी होगीः 8740 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 परन्तु यह और भी कि उस पदधारी, जिसने प्रारम्भिक भर्ती के समय आशुलिपि की परीक्षा (टेस्ट) विहित गति से किसी एक भाषा में पास कर ली है, को आशुलिपि की परीक्षा दूसरी भाषा अर्थात्, हिन्दी या अंग्रेजी में, नियुक्ति की तारीख से तीन वर्ष की अवधि के भीतर पास करनी होगी। ऐसे अभ्यर्थी के नियुक्ति पत्र में, जिसमें प्रारम्भिक भर्ती के समय आशुलिपि की परीक्षा दूसरी भाषा में पास नहीं की है, यह विनिर्दिष्ट शर्त अन्तर्विष्ट होगी कि उसे दूसरी भाषा में आशुलिपि की परीक्षा तीन वर्ष की अवधि के भीतर पास करनी होगी और यदि वह तीन वर्ष की अवधि के भीतर आशुलिपि की परीक्षा पास कर लेता हैं/लेती है तो वह अपनी वार्षिक वेतन वृद्धि देय तारीख से पाने का पात्र होगा/होगी और ऐसे अभ्यर्थी जो उक्त परीक्षा तीन वर्ष के पश्चात अर्हिता करता है/करती है तो वह अपनी पहली वेतन वृद्धि विहित परीक्षा अर्हिता करने की तारीख से ही पाने का हकदार हागा/होगी।
(iii) भर्ती प्राधिकरण द्वारा यथाविहित कम्पयूटर में शब्द प्रसंस्करण का ज्ञान रखता हो। (ख) वांछनीय अर्हता (एंं)ः--हिमाचल प्रदेश की रूढ़ियों, रीतियों और बोलियों का ज्ञान और प्रदेश में विद्यमान विशिष्ट दशाओं में नियुक्ति के लिए उपयुक्तता।
8. सीधे भर्ती किए जाने वाले व्यक्ति (व्यक्तियों) के लिए विहित आयु और शैक्षिक अर्हता (अर्हताएं) प्रोन्नत व्यक्ति (व्यक्तियों) की दषा में लागू होंगी या नहीं :--आयुः--लागू नहीं
शैक्षिक अर्हताए :--हांँ। जैसा कि उपरोक्त स्तम्भ संख्या-7 (क) में विहित की गई हैं।
9. परिवीक्षा की अवधि, यदि कोई हो :--(i) सीधी भर्ती की दशा मेंः--(क) दो वर्ष, जिसका एक वर्ष से अनधिक ऐसी और अवधि के लिए विस्तार किया जा सकेगा, जैसा सक्षम प्राधिकारी विशेष परिस्थितियों में और कारणों को लिखित में अभिलिखित करके आदेश दे।
(ख) संविदा के आधार पर, संवाद्यृति के आधार पर नियुक्ति पर, अधिवर्शिता के पश्चात पुनर्नियोजन पर और आमेलन पर कोई परिवीक्षा नहीं होगी।
(ii) प्रोन्नति की दशा में :--लागू नहीं।
10. भर्ती की पद्धति ः भर्ती सीधी होगी या प्रोन्नति/सैकण्डमैंट/स्थानान्तरण द्वारा और विभिन्न पद्धतियों द्वारा भरे जाने वाले पद (पदों) की प्रतिशतता :--शतप्रतिशत प्रोन्नति द्वारा, ऐसा न होने पर सीधी भर्ती द्वारा, यथास्थिति, नियमित आधार पर या संविदा के आधार पर भर्ती द्वारा।
11. प्रोन्नति/सैकेण्डमैंट/स्थानान्तरण द्वारा भर्ती की दशा में वे श्रेणियांॅं (ग्रेड) जिनसे प्रोन्नति/ सैकेण्डमैंट/स्थानान्तरण किया जाएगा.--(क) वे विभाग जहां कनिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक का पद विद्यमान हैः-कनिष्ठ वेतनमान आशुलिपिकों में से प्रोन्नति द्वारा, जिनका उपरोक्त स्तम्भ संख्याः 7(क) के सामने सीधी भर्ती के लिए यथा विहित शैक्षिक अर्हता धारण करने के अध्यधीन, पांच वर्ष का नियमित सेवाकाल या ग्रेड में की गई लगातार तदर्थ सेवा, यदि कोई हो, को नियमित सेवा में सम्मिलित करके पांच वर्ष का सेवाकाल होः
(ख) वे विभाग जहां कनिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक का पद विद्यमान नहीं है, किन्तु आशुटंकक का पद विद्यमान है :--आशुटंककों में से प्रोन्नति द्वारा जिनका उपरोक्त स्तम्भ संख्याः 7(क) के सामने सीधी भर्ती के लिए यथाविहित शैक्षिक अर्हता धारण रखने के अध्यधीन, दस वर्ष का नियमित सेवाकाल या ग्रेड में की गई लगातार तदर्थ सेवा, यदि कोई हो, को नियमित सेवा में सम्मिलित करके दस वर्ष का सेवाकाल होः
परन्तु यदि कोई आशुटंकक स्नातक की मान्यता प्राप्त अर्हता नहीं रखता/रखती है, किन्तु अन्यथा पात्र है, तो उसे इस शर्त के अध्यधीन वरिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक के पद पर प्रोन्नति हेतु विचारा जाएगा कि उसे 30-06-2022 तक स्नातक की अर्हता प्राप्त करनी होगी और वह स्नातक की अर्हता8741 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 प्राप्त करने के पश्चात देय तारीख से ही अपनी वार्षिक वेतन वृद्धि आहरित करने के लिए पात्र होगा/होगी; ऐसा न होने पर उसे आशुटंकक के पद पर प्रत्यावर्तित कर दिया जाएगा और केवल अपेक्षित अर्हता प्राप्त करने के पश्चात् ही भविष्य में प्रोन्नति के लिए विचारा जाएगाः
परन्तु यह कि उपरोक्त शर्त उन आशुटंकक के मामले में लागू नहीं होगी, जिनकी अधिवर्षिता की तारीख 30-06-2022 को या इससे पूर्व हैः
(I) परन्तु प्रोन्नति के प्रयोजन के लिए प्रत्येक कर्मचारी को, जनजातीय/कठिन/ दुर्गम/और दूरस्थ/ग्रामीण क्षेत्रों में पद (पदों) की ऐसे क्षेत्रों में पर्याप्त संख्या की उपलब्धता के अध्यधीन, कम से कम एक कार्यकाल तक सेवा करनी होगीः
परन्तु यह और कि उपरोक्त परन्तुक (1) दूरस्थ/ग्रामीण क्षेत्रों में तैनाती/स्थानान्तरण के सिवाय उन कर्मचारियों के मामले में लागू नहीं होगा, जिनकी अधिवर्षिता के लिए पांच वर्ष की या उससे कम की सेवा शेष रही हो। तथापि पांच वर्ष की यह शर्त प्रोन्नति के मामलों में लागू नहीं होगीः
परन्तु यह और भी कि उस कर्मचारी का जिसने जनजातीय/कठिन/दुर्गम/और दूरस्थ/ग्रामीण क्षेत्रों में कम से कम एक कार्यकाल तक सेवा नहीं की है, ऐसे क्षेत्र में उसके अपने संवर्ग (काडर) में सर्वथा उसकी वरिष्ठता के अनुसार स्थानान्तरण किया जाएगा।
स्पष्टीकरण Iः-उपर्युक्त परन्तुक (1) के प्रयोजन के लिए जनजातीय/कठिन/दुर्गम/और दूरस्थ/ ग्रामीण क्षेत्रों में ''कार्यकाल'' से साधारणतया तीन वर्ष की अवधि या प्रशासनिक अत्यावश्यकताओं/ सुविधा को ध्यान में रखते हुए, ऐसे क्षेत्रों में तैनाती की इससे कम अवधि अभिप्रेत होगी।
स्पष्टीकरण II :-उपरोक्त परन्तुक (1) के प्रयोजन के लिए जनजातीय/कठिन क्षेत्र निम्न प्रकार से होंगेः-
1. जिला लाहौल एवं स्पिति।
2. चम्बा जिला का पांगी और भरमौर उप-मण्डल।
3. रोहड़ू उपमण्डल का डोडरा क्वार क्षेत्र।
4. जिला शिमला की रामपुर तहसील का पन्द्रह बीस परगना, मुनिश, दरकाली और ग्राम पंचायत काशापाट।
5. जिला कुल्लू का पन्द्रह बीस परगना।
6. कांगड़ा जिला के बैजनाथ उप-मण्डल का बड़ा भंगाल क्षेत्र।
7. जिला किन्नौर।
8. सिरमौर जिला में, उप तहसील कमरउ के काठवाड़ और कोरगा पटवार वृत्त, रेणुकाजी तहसील के भलाड़-भलौना और सांगना पटवार वृत्त और शिलाई तहसील का कोटा पाब पटवार वृत्त। 9. मण्डी जिला में, करसोग तहसील का खनयोल-बगड़ा पटवार वृत्त, बाली चौकी उप-तहसील के गाड़ा गुशैणी, मठियानी, घनयाड़, थाची, बागी, सोमगाड और खोलानाल पटवार वृत्त, पद्धर तहसील के झारवाड़, कुटगढ़, ग्रामन, देवगढ़, ट्रैला, रोपा, कथोग, सिलह-भडवानी, हस्तपुर, घमरेहर और भटेढ़ पटवार वृत्त, थुनाग तहसील के चिउणी, कालीपार, मानगढ़, थाच-बगड़ा, उत्तरी मगरू और दक्षिणी मगरू पटवार वृत्त और सुन्दरनगर तहसील का बटवाड़ा पटवार वृत्त। 8742 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 स्पष्टीकरण-III :--उपर्युक्त परन्तुक (1) के प्रयोजन के लिए और दूरस्थ/ग्रामीण क्षेत्र निम्न प्रकार से होंगेः-
(i) उप-मण्डल/तहसील मुख्यालय से 20 किलोमीटर की परिधि से परे के समस्त स्थान । (ii) राज्य मुख्यालय और जिला मुख्यालय से 15 किलोमीटर की परिधि से परे के समस्त स्थान जहॉं के लिए बस सेवा उपलब्ध नहीं है और 3 (तीन) किलोमीटर से अधिक की पैदल यात्रा करनी पड़ती है।
(iii) कर्मचारी का, उसके प्रवर्ग को ध्यान में लाए बिना अपने गृह नगर या गृह नगर क्षेत्र के साथ लगती 20 किलोमीटर की परिधि के भीतर का क्षेत्रः
(I) प्रोन्नति के सभी मामलों में पद पर नियमित नियुक्ति से पूर्व सम्भरक (पोषक) पद में की गई लगातार तदर्थ सेवा, यदि कोई हो, प्रोन्नति के लिए इन नियमों में यथाविहित सेवाकाल के लिए, इस शर्त के अध्यधीन रहते हुए गणना में ली जाएगी, कि सम्भरक (पोषक) प्रवर्ग में तदर्थ नियुक्ति/प्रोन्नति, भर्ती और प्रोन्नति नियमों के उपबन्धों के अनुसार चयन की उचित स्वीकार्य प्रक्रिया को अपनाने के पश्चात् की गई थीः (i) परन्तु उन सभी मामलों में जिनमें कोई कनिष्ठ व्यक्ति सम्भरक (पोषक) पद में अपने कुल सेवाकाल (तदर्थ आधार पर की गई सेवा सहित, जो नियमित सेवा/नियुक्ति के अनुसरण में हो) के आधार पर उपर्युक्त निर्दिष्ट उपबन्धों के कारण विचार किए जाने का पात्र हो जाता है, वहां अपने-अपने प्रवर्ग/पद/काडर में उससे वरिष्ठ सभी व्यक्ति विचार किए जाने के पात्र समझे जाएंगे ओैर विचार करते समय कनिष्ठ व्यक्ति से ऊपर रखे जाएगेः
परन्तु यह और कि उन सभी पदधारियों की, जिन पर प्रोन्नति के लिए विचार किया जाना है, की कम से कम तीन वर्ष की न्यूनतम अर्हता सेवा या पद के भर्ती और प्रोन्नति नियमों में विहित सेवा, जो भी कम हो, होगीः
परन्तु यह और भी कि जहां कोई व्यक्ति पूर्वगामी परन्तुक की अपेक्षाओं के कारण प्रोन्नति किए जाने सम्बन्धी विचार के लिए अपात्र हो जाता है, वहां उससे कनिष्ठ व्यक्ति भी ऐसी प्रोन्नति के विचार के लिए अपात्र समझा जाएगा/समझे जाएंगे।
स्पष्टीकरणः--अन्तिम परन्तुक के अन्तर्गत कनिष्ठ पदधारी प्रोन्नति के लिए अपात्र नहीं समझा जाएगा यदि वरिष्ठ अपात्र व्यक्ति भूतपूर्व सैनिक है जिसे डिमोबिलाइज्ड आर्मड फोर्सिज परसोनल (रिजर्वेशन आफ वैकेन्सीज इन हिमाचल स्टेट नॉन-टैक्नीकल सर्विसिज) रूल्ज, 1972 के नियम-3 के उपबन्धों के अन्तर्गत् भर्ती किया गया है और तद्धीन वरीयता लाभ दिए गए हों या जिसे एक्स-सर्विसमैन (रिजर्वेशन आफ वैकेन्सीज इन दी हिमाचल प्रदेश टैक्नीकल सर्विसिज) रूल्ज, 1985 के नियम 3 के उपबन्धों के अन्तर्गत भर्ती किया गया हो और तद्धीन वरीयता लाभ दिए गए हों।
(ii) इसी प्रकार स्थायीकरण के सभी मामलों में ऐसे पद पर नियमित नियुक्ति से पूर्व सम्भरक (पोषक) पद पर की गई लगातार तदर्थ सेवा, यदि कोई हो, सेवाकाल के लिए गणना में ली जाएगी, यदि तदर्थ नियुक्ति/प्रोन्नति, उचित चयन के पश्चात् और भर्ती और प्रोन्नति नियमों के उपबंधों के अनुसार की गई थी :
परन्तु की गई तदर्थ सेवा को गणना में लेने के पश्चात् जो स्थायीकरण होगा उस के फलस्वरूप पारस्परिक वरीयता अपरिवर्तित रहेगी।
12. यदि विभागीय प्रोन्नति/स्थायीकरण समिति विद्यमान हो तो उसकी संरचनाः--जैसी सरकार द्वारा समय-समय पर गठित की जाए।8743 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 13. भर्ती करने में जिन परिस्थितियोें में हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग से परामर्श किया जाएगाः--जैसा विधि द्वारा अपेक्षित हो।
14. सीधी भर्ती के लिए अनिवार्य अपेक्षा :--किसी सेवा या पद पर नियुक्ति के लिए अभ्यर्थी का भारत का नागरिक होना अनिवार्य है।
15. सीधी भर्ती द्वारा पद पर नियुक्ति के लिए चयन :--सीधी भर्ती के मामलें में पद पर नियुक्ति के लिए चयन, लिखित परीक्षा के गुणागुण तथा इन नियमों से संलग्न परिशिष्ट-I में यथा विनिर्दिष्ट रीति के अनुसार मूल्यांकन के आधार पर किया जाएगा या यदि, यथास्थिति, हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग या अन्य भर्ती अभिकरण/प्राधिकरण ऐसा करना आवश्यक या समीचीन समझे तो लिखित परीक्षा के गुणागुण और इन नियमों से संलग्न परिशिष्ट-I में यथा विनिर्दिष्ट रीति के अनुसार मूल्यांकन तथा पूर्व में ली गई छंटनी परीक्षा (वस्तुनिष्ठ प्रकार की) या व्यावहारिक परीक्षा या दक्षता परीक्षा या शारीरिक परीक्षण के आधार पर किया जाएगा, जिसका स्तर/पाठ्यक्रम आदि, यथास्थिति, हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग/अन्य भर्ती अभिकरण/प्राधिकरण द्वारा अवधारित किया जाएगा।
15-क संविदा नियुक्ति द्वारा पद पर नियुक्ति के लिए चयनः--इन नियमों में किसी बात के होते हुए भी पद पर संविदा नियुक्ति नीचे दिए गए निबन्धनों और शर्तो के अध्यधीन की जाएंगीः-
(I) संकल्पनाः--(क) इस पॉलिसी के अधीन हिमाचल प्रदेश.................(विभाग का नाम) में वरिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक को संविदा के आधार पर प्रारम्भ में एक वर्ष के लिए लगाया जाएगा जिसे वर्षानुवर्ष आधार पर बढ़ाया जा सकेगा :
परन्तु संविदा अवधि में वर्षानुवर्ष आधार पर विस्तारण/नवीकरण के लिए सम्बद्ध विभागाध्यक्ष यह प्रमाण-पत्र जारी करेगा कि संविदा पर नियुक्त व्यक्ति की सेवा और आचरण वर्ष के दौरान संतोषजनक रहा है और केवल तभी उसकी संविदा की अवधि नवीकृत/विस्तारित की जाएगी।
(ख) विभागाध्यक्ष (नियुक्ति प्राधिकारी का पदनाम), रिक्त पद (पदों) को संविदा के आधार पर भरने के लिए सरकार का अनुमोदन प्राप्त करने के पश्चात् अध्यपेक्षा को, सम्बद्ध भर्ती अभिकरण अर्थात् हिमाचल प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग, हमीरपुर के समक्ष रखेगा।
(ग) चयन इन नियमों में विहित पात्रता शर्तो के अनुसार किया जाएगा।
(II) संविदात्मक उपलब्धियांः--संविदा के आधार पर नियुक्त वरिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक को ` 14700/- की दर से समेकित नियत संविदात्मक रकम (जो पे बैण्ड के न्यूनतम जमा ग्रेड पे के बराबर होगी) प्रतिमास संदत्त की जाएगी। यदि संविदा में एक वर्ष से अधिक की बढ़ौतरी की जाती है, तो पश्चातवर्ती वर्ष/वर्षाें के लिए संविदात्मक उपलब्धियों में ` 441/- (पद के पे बैण्ड का न्यूनतम जमा ग्रेड पे का तीन प्रतिशत) की रकम वार्षिक वृद्धि के रूप में अनुज्ञात की जाएगी।
(III) नियुक्ति और अनुशासन प्राधिकारीः--विभागाध्यक्ष (नियुक्ति प्राधिकारी का पदनाम), नियुक्ति और अनुशासन प्राधिकारी होगा।
(IV) चयन प्रक्रियाः--संविदा नियुक्ति के मामलें में पद पर नियुक्ति के लिए चयन, लिखित परीक्षा के गुणागुण तथा इन नियमों से संलग्न परिशिष्ट-I में यथा विनिर्दिष्ट रीति के अनुसार मूल्यांकन के आधार पर किया जाएगा या यदि, ऐसा करना आवश्यक या समीचीन समझा जाए तो लिखित परीक्षा के गुणागुण और इन नियमों से संलग्न परिशिष्ट-I में यथा विनिर्दिष्ट रीति के अनुसार मूल्यांकन तथा पूर्व में ली गई छंटनी परीक्षा (वस्तुनिष्ठ प्रकार की) या व्यावहारिक परीक्षा या दक्षता परीक्षा या शारीरिक परीक्षण के आधार पर किया जाएगा, जिसका स्तर/पाठ्यक्रम आदि, भर्ती अभिकरण अर्थात हिमाचल प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग, हमीरपुर द्वारा अवधारित किया जाएगा। 8744 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 (V) संविदात्मक नियुक्तियों के लिए चयन समितिः--जैसी सम्बद्ध भर्ती अभिकरण अर्थात् हिमाचल प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग, हमीरपुर द्वारा समय-समय पर गठित की जाए।
(VI) करार ः--अभ्यर्थी को, चयन के पश्चात् इन नियमों से संलग्न परिशिष्ट "II" के अनुसार करार हस्ताक्षरित करना होगा।
(VII)निबन्धन और शर्तेंः--(क) संविदा के आधार पर नियुक्त व्यक्ति को ` 14700/- की दर से नियत संविदात्मक रकम (जो पे बैण्ड के न्यूनतम जमा ग्रेड पे के बराबर होगी) प्रतिमास संदत्त की जाएगी। संविदा पर नियुक्त व्यक्ति, आगे बढ़ाए गए वर्ष/वर्षाेंं के लिए संविदात्मक रकम में ` 441/- की दर से (पे बैन्ड का न्यूनतम जमा गे्रड पे का तीन प्रतिशत) की वृद्धि का हकदार होगा और कोई अन्य सहबद्ध प्रसुविधाएं जैसे वरिष्ठ/चयन वेतनमान आदि नहीं दिया जाएगा।
(ख) संविदा पर नियुक्त व्यक्ति की सेवा पूर्णतया अस्थायी आधार पर होगी। यदि संविदा पर नियुक्त व्यक्ति का कार्यपालन/आचरण ठीक नहीं पाया जाता है, तो नियुक्ति पर्यवसित (समाप्त) किए जाने के लिए दायी होगी।
(ग) संविदा पर नियुक्त व्यक्ति, एक कलैंडर वर्ष में, एक मास की सेवा पूरी करने के पश्चात् एक दिन के आकस्मिक अवकाश, दस दिन के चिकित्सा अवकाश और पांच दिन के विशेष अवकाश के लिए हकदार होगा। संविदा पर नियुक्त महिला को दो जीवित बच्चों तक एक सौ पैंतीस दिन का प्रसूति अवकाश प्रदान किया जा सकेगा। संविदा पर नियुक्त महिला पूरी सेवा के दौरान, गर्भपात हो जाने सहित गर्भपात कराने की दशा में, प्राधिकृत सरकारी चिकित्सा अधिकारी द्वारा जारी चिकित्सा प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करने पर पैंतालीस दिन से अनधिक प्रसूति अवकाश (जीवित बच्चों की संख्या का विचार किए बिना) के लिए भी हकदार होगी। संविदा पर नियुक्त व्यक्ति चिकित्सा प्रतिपूर्ति और एल0टी0सी0 आदि के लिए हकदार नहीं होगा/होगी। संविदा पर नियुक्त व्यक्ति को उपरोक्त के सिवाय अन्य किसी प्रकार का अवकाश अनुज्ञात नहीं होगा।
अनुपभुक्त आकस्मिक अवकाश, चिकित्सा अवकाश और विशेष अवकाश एक कलैण्डर वर्श तक संचित किया जा सकेगा और आगामी कलैण्डर वर्ष के लिए अग्रनीत नहीं किया जाएगा ।
(घ) नियन्त्रक अधिकारी के अनुमोदन के बिना, कर्त्तव्य (ड्यूटी) से अनधिकृत अनुपस्थिति से स्वतः ही संविदा का पर्यवसान (समापन) हो जाएगा तथापि आपवादिक मामलों में जहां पर चिकित्सा आधार पर कर्तव्य से अनधिकृत अनुपस्थिति के हालात संविदा पर नियुक्त व्यक्ति के नियन्त्रण से बाहर हों तो वहां उसके नियमितीकरण के मामले में विचार करते समय ऐसी अवधि अपवर्जित नहीं की जाएगी, किन्तु पदधारी को इस बाबत समय पर नियन्त्रक प्राधिकारी को सूचित करना होगा। तथापि, संविदा पर नियुक्त व्यक्ति कत्र्तव्य से अनुपस्थिति की ऐसी अवधि के लिए संविदात्मक रकम का हकदार नहीं होगाः
परन्तु उसे सरकार के प्रचलित अनुदेशों के अनुसार चिकित्सा अधिकारी द्वारा जारी बीमारी/आरोग्य का प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करना होगा।
(ङ) संविदा के आधार पर नियुक्त पदधारी जिसने तैनाती के एक स्थान पर तीन वर्ष का कार्यकाल पूर्ण कर लिया है, आवश्यकता के आधार पर स्थानान्तरण के लिए पात्र होगा, जहां कहीं प्रशासनिक आधारों पर अपेक्षित हो।
(च) चयनित अभ्यर्थी को सरकारी/रजिस्ट्रीकृत चिकित्सा व्यवसायी से अपना आरोग्य प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करना होगा। बारह सप्ताह से अधिक समय से गर्भवती महिला अभ्यर्थी, प्रसव होने तक, अस्थायी तौर पर अनुपयुक्त बनी रहेगी। ऐसी महिला अभ्यर्थी का किसी प्राधिकृत चिकित्सा अधिकारी/व्यवसायी से उपयुक्तता के लिए पुनः परीक्षण करवाया जाएगा।
(छ) संविदा पर नियुक्त व्यक्ति का यदि अपने पदीय कर्त्तव्यों के सम्बन्ध में दौरे पर जाना अपेक्षित हो, तो वह उसी दर पर जैसी नियमित प्रतिस्थानी पदधारी को पद के वेतनमान के न्यूनतम पर लागू है, यात्रा भत्ते/दैनिक भत्ते का हकदार होगा/होगी।8745 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 (ज) नियमित कर्मचारियों की दशा में यथा लागू सेवा नियमों जैसे कि एफ0 आर0 एस0 आर0, छुट्टी नियम, साधारण भविष्य निधि नियम, पेंशन नियम तथा आचरण नियम आदि के उपबन्ध संविदा पर नियुक्त व्यक्तियों को लागू नहीं होंगे। संविदा पर नियुक्त व्यक्ति (व्यक्तियों) को कर्मचारी सामूहिक बीमा स्कीम के साथ-साथ ई. पी.एफ./जी.पी.एफ. भी लागू नहीं होगा।
16. आरक्षणः--सेवा में नियुक्ति, हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा समय-समय पर अनुसूचित जातियों/अनुसूचित जन जातियों/अन्य पिछड़े वर्गों और अन्य प्रवर्गो के व्यक्तियों के लिए सेवा में आरक्षण की बाबत जारी किए गए आदेशों के अध्यधीन होगी।
17. विभागीय परीक्षाः--लागू नहीं ।
18. शिथिल करने की शक्तिः--जहां राज्य सरकार की यह राय हो कि ऐसा करना आवश्यक या समीचीन है, वहां वह, कारणों को लिखित में अभिलिखित करके, और हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग के परामर्श से, आदेश द्वारा, इन नियमों के किसी उपबन्ध (उपबन्धों) को किसी वर्ग या व्यक्ति (व्यक्तियों) के प्रवर्ग या पद (पदों) की बाबत, शिथिल कर सकेगी।
परिशिष्ट-I
| 1. | लिखित परीक्षा {लिखित परीक्षा में प्राप्तांकों की प्रतिशतता 85 अंको में से परिकलित की जानी है। उदाहरणार्थ लिखित परीक्षा में 50 % अंक प्राप्त करने वाले अभ्यर्थी को 42.5 अंक दिए जाएंगे}। | 85 अंक |
| 2. अभ्यर्थी का मूल्ययांकन निम्नलिखित रीति में | किया जाना हैः- ( i) भर्ती और प्रोन्नति नियमों में विहित न्यूनतम शैक्षिक अर्हता हेतु वरीयता। 2.5 अंक {शैक्षिक अर्हता मे ं प्राप्तांकों की प्रतिशतता 0.025 से गुणा की जाएगी। उदाहरणार्थ, किसी व्यक्ति ने अपेक्षित शैक्षिक अर्हता में 50 % अंक प्राप्त किए हैं, तो उसे 1.25 अंक अनुज्ञात किए जाएंगे (50×0.025=1.25)} ( ii) यथास्थिति, अधिसूचित पिछड़े क्षेत्र या पंचायत से संबंधित। 01 अंक (iii) भूमिहीन कुटुम्ब/एक हेक्टेयर से कम भूमि वाले कुटुम्ब को संबद्ध राजस्व प्राधिकारी द्वारा प्रमाणित किया जाएगा। 01 अंक (iv) इस प्रभाव का गैर-नियोजन प्रमाण पत्र कि कुटुम्ब का कोई भी सदस्य सरकारी/अर्ध सरकारी सेवा में नही है। 01 अंक ( v) 40 % विकृति/निःशक्तता/दुर्बलता से अधिक वाले दिव्यांगजन। 01 अंक | 15 अंक |
| (vi) एन एस एस (कम से कम एक वर्ष)/एन सी सी म ें प्रमाण-पत्र धारक/भारत स्काउट और गाइड/राष्ट्रीय स्तर की खेल स्पर्धाओं में पदक विजेता। 01 अंक (vii) ` 40,000/- से कम या सरकार द्वारा समय-समय पर यथाविहित (समस्त स्रोतोे से) वार्षिक आय वाला बी पी एल कुटुम्ब। 02 अंक (viii) विधवा/तलाकशुदा/अकिंचन/एकल महिला। 01 अंक (ix) इकलौती पुत्री/अनाथ 01 अंक (x) किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/संस्था से आवेदित पद से संबंधित कम से कम छह मास की अवधि का प्रशिक्षण। 01 अंक (xi) सरकारी/अर्धसरकारी संगठन में, आवेदित पद से संबंधित, अधिकतम पांच वर्ष तक का अनुभव (प्रत्येक पूर्ण किए गए वर्ष के लिए केवल 0.05 अंक) 2.5 अंक |
परिशिश्ट-" II " वरिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक और हिमाचल प्रदेश सरकार के मध्य ................... (नियुक्ति प्राधिकारी का पदनाम) के माध्यम से निष्पादित की जाने वाली संविदा/करार का प्ररूप
यह करार श्री/श्रीमति.......................पुत्र/पुत्री श्री.....................निवासी...........................,संविदा पर नियुक्त व्यक्ति (जिसे इसमें इसके पश्चात् प्रथम पक्षकार कहा गया है) और हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल, के मध्य, ............................................ (नियुक्ति प्राधिकारी का पदनाम) (जिसे इसमें इसके पश्चात् द्वितीय पक्षकार कहा गया है) के माध्यम से आज तारीख............................... को किया गया।
द्वितीय पक्षकार ने उपरोक्त प्रथम पक्षकार को लगाया है और प्रथम पक्षकार ने वरिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक के रूप में संविदा आधार पर निम्नलिखित निबन्धन और शर्तों पर सेवा करने के लिए सहमति दी हैः-
1. यह कि प्रथम पक्षकार वरिष्ठ वेतनमान आशुलिपिक के रूप में ..................... से प्रारम्भ होने और............................ को समाप्त होने वाले दिन तक एक वर्ष की अवधि के लिए द्वितीय पक्षकार की सेवा में रहेगा। यह विनिर्दिष्ट रूप से उल्लिखित किया गया है और दोनाें पक्षकारों द्वारा करार पाया गया है कि प्रथम पक्षकार की द्वितीय पक्षकार के साथ संविदा, आखिरी कार्य दिवस् अर्थात् ........................................ दिन को स्वयंमेव ही पर्यवसित (समाप्त) हो जाएगी तथा सूचना नोटिस आवश्यक नहीं होगा :
परन्तु संविदा अवधि में वर्षानुवर्ष आधार पर विस्तारण/नवीकरण के लिए सम्बद्ध विभागाध्यक्ष यह प्रमाणपत्र जारी करेगा कि संविदा पर नियुक्त व्यक्ति की सेवा और आचरण वर्ष के दौरान सन्तोषजनक रहा है और केवल तभी उसकी संविदा की अवधि नवीकृत/विस्तारित की जाएगी।
2. प्रथम पक्षकार की संविदात्मक रकम ` 14700/- प्रतिमास होगी।8747 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 3. प्रथम पक्षकार की सेवा पूर्णतया अस्थायी आधार पर होगी। यदि संविदा पर नियुक्त व्यक्ति का कार्यपालन/आचरण ठीक नहीं पाया जाता हैै, तो नियुक्ति पर्यवसित (समाप्त) किए जाने के लिए दायी होगी।
4. संविदा पर नियुक्त व्यक्ति, एक कलैंडर वर्ष में, एक मास की सेवा पूरी करने के पश्चात् एक दिन के आकस्मिक अवकाश, दस दिन के चिकित्सा अवकाश और पांच दिन के विशेष अवकाश के लिए हकदार होगा। संविदा पर नियुक्त महिला को दो जीवित बच्चों तक एक सौ पैंतीस दिन का प्रसूति अवकाश प्रदान किया जाएगा। संविदा पर नियुक्त महिला पूरी सेवा के दौरान, गर्भपात हो जाने सहित गर्भपात कराने की दशा में, प्राधिकृत सरकारी चिकित्सा अधिकारी द्वारा जारी चिकित्सा प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करने पर पैंतालीस दिन से अनधिक प्रसूति अवकाश (जीवित बच्चों की संख्या का विचार किए बिना) के लिए भी हकदार होगी। संविदा पर नियुक्त व्यक्ति चिकित्सा प्रतिपूर्ति और एल0टी0सी0 आदि के लिए हकदार नही होगा/होगी। संविदा पर नियुक्त व्यक्ति को उपरोक्त के सिवाय अन्य किसी प्रकार का अवकाश अनुज्ञात नहीं होगाः
अनुपभुक्त आकस्मिक अवकाश, चिकित्सा अवकाश और विशेष अवकाश एक कलैण्डर वर्ष तक संचित किया जा सकेगा और आगामी कलैण्डर वर्ष के लिए अग्रनीत नहीं किया जाएगा। 5. नियन्त्रक अधिकारी के अनुमोदन के बिना, कत्र्तव्य (ड्यूटी) से अनधिकृत अनुपस्थिति से स्वतः ही संविदा का पर्यवसान (समापन) हो जाएगा तथापि आपवादिक मामलों में जहां पर चिकित्सा आधार पर कत्तव्र्य से अनधिकृत अनुपस्थिति के हालात संविदा पर नियुक्त व्यक्ति के नियन्त्रण से बाहर हों तो वहां उसके नियमितिकरण के मामले में विचार करते समय ऐसी अवधि अपवर्जित नहीं की जाएगी, किन्तु पदधारी को इस बाबत समय पर नियन्त्रक प्राधिकारी को सूचित करना होगा। तथापि, संविदा पर नियुक्त व्यक्ति कत्र्तव्य से अनुपस्थिति की ऐसी अवधि के लिए संविदात्मक रकम का हकदार नहीं होगाः
परन्तु उसे सरकार के प्रचलित अनुदेशों के अनुसार चिकित्सा अधिकारी द्वारा जारी बीमारी/ आरोग्य का प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करना होगा।
6. संविदा पर नियुक्त पदधारी जिसने तैनाती के एक स्थान पर तीन वर्ष का सेवाकाल पूर्ण कर लिया हो, आवश्यकता के आधार पर, स्थानान्तरण के लिए पात्र होगा जहां कहीं प्रशासनिक आधारों पर अपेक्षित हो।
7. चयनित अभ्यर्थी को सरकारी/रजिस्ट्रीकृत चिकित्सा व्यवसायी से अपना आरोग्य प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करना होगा। बारह सप्ताह से अधिक समय से गर्भवती महिला अभ्यर्थी की दशा में प्रसव होने तक अस्थायी तौर पर अनुपयुक्त बनी रहेगी। ऐसी महिला अभ्यर्थी का किसी प्राधिकृत चिकित्सा अधिकारी/व्यवसायी से उपयुक्तता के लिए पुनः परीक्षण करवाया जाना चाहिए।
8. संविदा पर नियुक्त व्यक्ति का यदि अपने पदीय कर्त्तव्यों के सम्बन्ध में दौरे पर जाना अपेक्षित हो, तो वह उसी दर पर जैसी नियमित प्रतिस्थानी पदधारी को पद के वेतनमान के न्यूनतम पर लागू है, यात्रा भत्ते/दैनिक भत्ते का हकदार होगा/होगी।
9. संविदा पर नियुक्त व्यक्ति (व्यक्तियों) को सामूहिक बीमा स्कीम के साथ-साथ ई.पी.एफ./जी. पी एफ. भी लागू नहीं होगा।
इसके साक्ष्यस्वरूप प्रथम पक्षकार और द्वितीय पक्षकार ने साक्षियों की उपस्थिति में इसमें सर्वप्रथम उल्लिखित तारीख कोे अपने-अपने हस्ताक्षर कर दिए हैं।8748 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 साक्षियों की उपस्थिति में : 1. .......................................... ........................................... ......................................... (नाम व पूरा पता)
(प्रथम पक्षकार के हस्ताक्षर) 2. ......................................... .......................................... .............................................. (नाम व पूरा पता)
(द्वितीय पक्षकार के हस्ताक्षर)
___________
[Authoritative English Text of the Department Notification No. Per (AP)-C-A (3)-5/2017, dated
12th October, 2017 as required under clause (3) of article 348 of the Constitution of India].
PERSONNEL DEPARTMENT (AP-III)
NOTIFICATION
Shimla-171002, the 12th October, 2017
No. Per (AP)-C-A (3)-5/2017.—In exercise of the powers conferred by proviso to article 309 of the Constitution of India, the Governor, Himachal Pradesh, in consultation with the Himachal Pradesh Public Service Commission, is pleased to make the Common Recruitment and Promotion Rules for the post of Senior Scale Stenographer, Class-III (Non-Gazetted) Ministerial Services in various Departments of the Government of Himachal Pradesh as per Annexure-"A" attached to this notification, namely:—
1. Short title, commencement and application.—(1) These rules may be called the Himachal Pradesh, Department of Personnel, Senior Scale Stenographer, Class-III (Non-Gazetted), Ministerial Services, Common Recruitment and Promotion Rules, 2017.
(2) These rules shall come into force from the date of publication in the Rajpatra, Himachal Pradesh.
(3) These rules shall be applicable to all the Government Departments of Himachal Pradesh, except Vidhan Sabha Secretariat, High Court of H.P. and H.P. Public Service Commission.
2. Repeal and savings.—(1) The Himachal Pradesh, Department of Personnel, Junior Scale Stenographer/Senior Scale Stenographer Class-III (Non-Gazetted), Common Direct Recruitment and Promotion Rules, 2011 notified vide this Department Notification No. Per.(AP)- C-A(3)-5/2010, dated 14.02.2011, and published in Rajpatra, Himachal Pradesh dated 25.02.2011 are hereby repealed to the extent these pertain to the post of Senior Scale Stenographer.
8749 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939(2) Notwithstanding such repeal, any appointment made or anything done or any action taken under the rules so repealed under sub-rule (1) supra, shall be deemed to have been validly made or done or taken under these rules.
By order, TARUN SHIRIDHAR, Addl. Chief Secretary (Personnel).
___________
ANNEXURE-A Common Recruitment and Promotion Rules for the post of Senior Scale Stenographer, Class-III (Non-Gazetted) Ministerial Services in various Departments of Himachal Pradesh Government
1. Name of Post.—Senior Scale Stenographer
2. Number of Posts .— As sanctioned and may be sanctioned by the Government from time to time in the concerned department.
3. Classification .—Class-III (Non-Gazetted) Ministerial Services
4. Scale of Pay.—(i) Pay Band for regular incumbent(s):—Pay Band `10300- 34800+`4400/-Grade Pay.
(ii) Emoluments for Contract Employee(s):—`14700/-PM as per details given in Column 15-A.
5. Whether "Selection" Post or "Non- Selection" Post .—Non-Selection
6. Age for direct recruitment.—Between 18 to 45 years
Provided that the upper age limit for direct recruits will not be applicable to the candidates already in service of the Government including those who have been appointed on adhoc or on contract basis:
Provided further that if a candidate appointed on adhoc or on contract basis had become over-age on the date he/she was appointed as such, he/she shall not be eligible for any relaxation in the prescribed age-limit by virtue of his/her such adhoc or contract appointment:
Provided further that upper age limit is relaxable for Scheduled Castes/Scheduled Tribes/Other Backward Classes and Other categories of persons to the extent permissible under the general or special order(s) of the Himachal Pradesh Government:
Provided further that the employees of all the Public Sector Corporations and Autonomous Bodies who happened to be Government Servant before absorption in Public Sector Corporations/ Autonomous Bodies at the time of initial constitution of such Corporations/Autonomous Bodies shall be allowed age concession in direct recruitment as admissible to Government servants. This concession will not, however, be admissible to such staff of the Public Sector Corporations/ Autonomous Bodies who were/are subsequently appointed by such Corporation/Autonomous 8750 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 Bodies and who are/were finally absorbed in the service of such Corporations/Autonomous Bodies after initial constitution of the Public Sector Corporations/Autonomous Bodies.
Note:—Age limit for direct recruitment will be reckoned on the first day of the year in which the Post(s) is/are advertised for inviting applications or notified to the Employment Exchanges, as the case may be.
7. Minimum Educational and other qualifications required for direct recruit(s).— (a) ESSENTIAL QUALIFICATION:—(i) Should possess a Bachelor Degree or its equivalent from a recognized University.
(ii) Must possess the following speed in short hand and typing on Computers in both languages i.e. English and Hindi at the time of initial recruitment:-
Speed in Shorthand:
English 100 WPM Hindi 80 WPM
Speed in typing on Computer:
English 40 WPM Hindi 30 WPM
Provided that at the time of initial recruitment the candidate shall have to pass shorthand test in either of the language i.e. in Hindi or English at the prescribed speed:
Provided further that the candidate will have to pass typing test in both the languages at the time of initial recruitment:
Provided further that the incumbent having passed shorthand test in one language, at the time of initial recruitment at the prescribed speed, shall have to pass the shorthand test in second language, i.e. Hindi or English, within a period of three years' from the date of appointment. The appointment letter of such candidate who does not qualify the shorthand test in second language at the time of initial recruitment shall contain the specific condition that he/she shall have to pass the test in short hand in second language within in a period of three years and if he/she qualifies the shorthand test within the period of three years he/she will be eligible to draw his/her annual increment from due date and the candidate who qualifies the said test after three years will be eligible to draw his/her first increment only from the date of qualifying the prescribed test.
(iii) Should have the knowledge of 'Word Processing' in computer as prescribed by the Recruiting Authority.
(b) DESIRABLE QUALIFICATION (S):—Knowledge of customs, manner and dialects of Himachal Pradesh and suitability for appointment in the peculiar conditions prevailing in the Pradesh.
8. Whether age and educational qualification(s) prescribed for direct recruit(s) will
apply in the case of the promotee(s).—Age :—Not Applicable.
Educational Qualifications:—Yes. As prescribed in column-7(a) above.
9. Period of Probation, if any.—(i) Direct recruitment:—(a) Two years subject to such further extension for a period not exceeding one year as may be ordered by the competent authority in special circumstances and reasons to be recorded in writing.
8751 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939(b) No probation in case of appointment on contract basis, tenure basis, re-employment after superannuation and absorption.
(ii) Promotion:— Not applicable.
10. Method(s) of recruitment, whether by direct recruitment or by promotion/ secondment/ transfer and the percentage of post(s) to be filled in by various methods.—100% by promotion failing which by direct recruitment on a regular basis or by recruitment on contract basis, as the case may be.
11. In case of recruitment by promotion/second-ment/transfer, grade(s) from which promotion/ secondment/transfer is to be made.—(a) In the Departments where the post of Junior Scale Stenographer exists:—By promotion from amongst the Junior Scale Stenographers subject to possessing of educational qualification as prescribed for direct recruitment against Column No. 7 (a) above with five years' regular service or regular combined with the continuous adhoc service rendered, if any, in the grade:
(b) In the departments where the post of Junior Scale Stenographer does not exist but the post of Steno Typist exists:—By promotion from amongst the Steno typists subject to possessing of educational qualification as prescribed for direct recruitment against Column No. 7 (a) above with ten years' regular service or regular combined with the continuous adhoc service rendered, if any, in the grade:
Provided that if Steno Typist does not possess recognized qualification of graduation but is otherwise eligible he/she shall be considered for promotion to the post of Senior Scale Stenographer subject to the condition that he/she shall have to acquire qualification of graduation by 30-06-2022 and will be eligible to draw his/her annual increment from due dates only after acquiring the qualification of graduation, failing which he/she shall be reverted to the post of Steno Typist and shall be considered for promotion in future only after acquiring the requisite qualification:
Provided further that the above condition shall not be applicable in the case of those Steno Typists whose date of superannuation is on or before 30-6-2022:
(I) Provided that for the purpose of promotion every employee shall have to serve atleast one term in the Tribal/Difficult/ Hard areas and remote/rural areas subject to adequate number of post(s) available in such areas:
Provided further that the proviso (I) supra shall not be applicable in the case of those employees who have five years or less service, left for superannuation except posting/ transfer in remote/rural area. However, this condition of five years shall not be applicable in cases of promotion:
Provided further that Officer/Official who has not served atleast one tenure in Tribal/ Difficult/Hard areas and remote/rural areas shall be transferred to such area strictly in accordance with his/her seniority in the respective cadre.
Explanation I:—For the purpose of proviso (I) supra the "term" in Tribal/Difficult/Hard area/remote/rural areas shall mean normally three years or less period of posting in such areas keeping in view the administrative exigencies/convenience.
8752 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 Explanation II:—For the purpose of proviso (I) supra the Tribal/Difficult Areas shall be as under:—
1. District Lahaul & Spiti.
2. Pangi and Bharmour Sub Division of Chamba District.
3. Dodra Kawar Area of Rohru Sub-Division.
4. Pandrah Bis Pargana, Munish Darkali and Gram panchayat Kashapat of Rampur Tehsil of District Shimla.
5. Pandrah Bis Pargana of Kullu District.
6. Bara Bhangal Areas of Baijnath Sub Division of Kangra District.
7. District Kinnaur.
8. Kathwar and Korga Patwar Circles of Kamrau Sub Tehsil, Bhaladh Bhalona and Sangna Patwar Circles of Renukaji Tehsil and Kota Pab Patwar Circle of Shillai Tehsil, in Sirmour District.
9. Khanyol-Bagra Patwar Circle of Karsog Tehsil, Gada-Gussaini, Mathyani, Ghanyar, Thachi, Baggi, Somgad and Kholanal of Bali-Chowki Sub Tehsil, Jharwar, Kutgarh, Graman, Devgarh, Trailla, Ropa, Kathog, Silh-Badhwani, Hastpur, Ghamrehar and Bhatehar Patwar Circle of Padhar Tehsil, Chiuni, Kalipar, Mangarh, Thach-Bagra, North Magru and South Magru Patwar Circles of Thunag Tehsil and Batwara Patwar Circle of Sunder Nagar Tehsil in Mandi District.
Explanation III:— For the purpose of proviso (I) supra the Remote/ Rural Areas shall be as under:
(i) All stations beyond the radius of 20 Kms. from Sub Division/Tehsil headquarter.
(ii) All stations beyond the radius of 15 Kms. from State Headquarter and District head quarters where bus service is not available and on foot journey is more than 3 (three) Kms.
(iii) Home town or area adjoining to area of home town within the radius of 20 Kms. of the employee regardless of its category.
(II) In all cases of promotion, the continuous adhoc service rendered in the feeder post if any, prior to regular appointment to the post shall be taken into account towards the length of service as prescribed in these rules for promotion subject to the conditions that the adhoc appointment/promotion in the feeder category had been made after following proper acceptable process of selection in accordance with the provisions of R & P Rules:
(i) Provided that in all cases where a junior person becomes eligible for consideration by virtue of his total length of service (including the service rendered on adhoc basis followed by regular service/appointment) in the feeder post in view of the provisions referred to above, all persons senior to him in the respective category/post/cadre shall be deemed to be eligible for consideration and placed above the junior person in the field of consideration:
8753 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939Provided that all incumbents to be considered for promotion shall possess the minimum qualifying service of at least three years' or that prescribed in the Recruitment & Promotion Rules for the post, whichever is less:
Provided further that where a person becomes ineligible to be considered for promotion on account of the requirements of the preceding proviso, the person(s) junior to him shall also be deemed to be ineligible for consideration for such promotion.
Explanation:—The last proviso shall not render the junior incumbents ineligible for consideration for promotion if the senior ineligible persons happened to be Ex-servicemen recruited under the provisions of rule-3 of Demobilized Armed Forces Personnel (Reservation of Vacancies in Himachal State Non-Technical Services) Rules, 1972 and having been given the benefit of seniority thereunder or recruited under the provisions of rule-3 of Ex-Servicemen (Reservation of Vacancies in the Himachal Pradesh Technical Service) Rules, 1985 and having been given the benefit of seniority thereunder.
(ii) Similarly, in all cases of confirmation, continuous adhoc service rendered on the feeder post if any, prior to the regular appointment against such posts shall be taken into account towards the length of service, if the adhoc appointment/promotion had been made after proper selection and in accordance with the provisions of the Recruitment & Promotion Rules:
Provided that inter-se-seniority as a result of confirmation after taking into account, adhoc service rendered shall remain unchanged.
12. If a Departmental Promotion/Confirmation Committee exists, what is its composition.—As may be constituted by the Govt. from time to time.
13. Circumstances under which the Himachal Pradedh Public Service Commission
(H.P.P.S.C.) is to be consulted in making recruitment.—As required under the Law.
14. Essential requirement for a direct recruitment.—A candidate for appointment to any service or post must be a Citizen of India.
15. Selection for appointment to the post by direct recruitment.—Selection for appointment to the post in the case of direct recruitment shall be made on the basis of merit of written examination followed by evaluation as specified in Appendix-I appended to these rules, or if the Himachal Pradesh Public Service Commission or other recruiting agency/authority, as the case may be, so considers necessary or expedient on the basis of merit of written examination followed by evaluation as specified in Appendix-I appended to these Rules, preceded by a screening test (objective type) or practical test or skill test or physical test, the standard/ syllabus, etc. of which, will be determined by the Himachal Pradesh Public Service Commission/other recruiting agency/ authority, as the case may be.
15-A Selection for appointment to the post by contract appointment.—Notwithstanding anything contained in these rules, contract appointment to the post will be made subject to the terms and conditions given below:—
(I) CONCEPT:—(a) Under this policy the Senior Scale Stenographer in the Department____________(Name of the Department) H.P. will be engaged on contract basis initially for one year, which may be extendable on year to year basis:
8754 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 Provided that for extension/renewal of contract period on year to year basis the concerned HOD shall issue a certificate that the service and conduct of the contract appointee is satisfactory during the year and only then his period of contract is to be renewed/extended.
(b) The HOD (Designation of the appointing authority) after obtaining the approval of the Government to fill up the vacant posts on contract basis will place the requisition with the concerned recruiting agency i.e. Himachal Pradesh Staff Selection Commission, Hamirpur.
(c) The selection will be made in accordance with the eligibility conditions prescribed in these rules.
(II) CONTRACTUAL EMOLUMENTS:—The Senior Scale Stenographer appointed on contract basis will be paid consolidated fixed contractual amount @ `14700/-P.M (which shall be equal to minimum of the pay band+ grade pay). An amount of `441/- (3% of the minimum of pay band + grade pay of the post) as annual increase in contractual emoluments for the subsequent year(s) will be allowed, if contract is extended beyond one year.
(III) APPOINTING/DISCIPLINARY AUTHORITY.—The Head of the Department (Designation of the appointing authority) will be the appointing & disciplinary authority.
(IV) SELECTION PROCESS:—Selection for appointment to the post in the case of contract appointment shall be made on the basis of merit of written examination followed by evaluation as specified in Appendix-I appended to these rules, or if considered necessary or expedient on the basis of merit of written examination followed by evaluation as specified in Appendix-I appended to these rules, preceded by a screening test (objective type) or practical test or skill test or physical test, the standard/ syllabus, etc. of which, will be determined by the concerned recruiting agency i.e. Himachal Pradesh Staff Selection Commission Hamirpur.
(V) COMMITTEE FOR SELECTION OF CONTRACTUAL APPOINTMENTS:— As may be constituted by the concerned recruiting agency i.e. Himachal Pradesh Staff Selection Commission, Hamirpur, from time to time.
(VI) AGREEMENT:—After selection of a candidate, he/she shall sign an agreement as per Appendix-"II" appended to these rules.
(VII) TERMS AND CONDITIONS:—(a) The contractual appointee will be paid fixed contractual amount @ `14700/- P.M (which shall be equal to minimum of the pay band + grade pay). The contract appointee will be entitled for increase in contractual amount @ `441/-(3% of minimum of the pay band + grade pay of the post) for further extended years and no other allied benefits such as senior/selection scales etc. will be given.
(b) The service of the Contract Appointee will be purely on temporary basis. The appointment is liable to be terminated in case the performance/conduct of the contract appointee is not found satisfactory.
(c) The contract appointee will be entitled for one day's casual leave after putting one month's service, 10 days' medical leave and 5 days' special leave, in a calendar year. A female contract appointee with less than two surviving children may be granted maternity leave for 135 days'. A female contract appointee shall also be entitled for maternity leave not exceeding 45 days' (irrespective of the number of surviving children) during the entire service, in case of miscarriage including abortion, on production of medical certificate issued by the authorized Government8755 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 Medical Officer. A contract employee shall not be entitled for medical re-imbursement and LTC etc. No leave of any other kind except above is admissible to the contract appointee:
Un-availed casual leave, medical leave and special leave can be accumulated upto the calendar year and will not be carried forward for the next calendar year.
(d) Unauthorized absence from the duty without the approval of the Controlling Officer shall automatically lead to the termination of the contract. However, in exceptional cases where the circumstances for un-authorized absence from duty were beyond his/her control on medical grounds, such period shall not be excluded while considering his/her case for regularization but the incumbent shall have to intimate the controlling authority in this regard well in time. However, the contract appointee shall not be entitled for contractual amount for this period of absence from duty:
Provided that he/she shall submit the certificate of illness/fitness issued by the Medical Officer, as per prevailing instructions of the Government.
(e) An official appointed on contract basis who has completed three years' tenure at one place of posting will be eligible for transfer on need base basis wherever required on administrative grounds.
(f) Selected candidate will have to submit a certificate of his/her fitness from a Government/ Registered Medical Practitioner. Women candidate pregnant beyond 12 weeks' will stand temporarily unfit till the confinement is over. The women candidate shall be re-examined for fitness from an authorized Medical Officer/ Practitioner.
(g) Contract appointee will be entitled to TA/DA if required to go on tour in connection with his/her official duties at the same rate as applicable to regular counterpart official at the minimum of pay scale.
(h) Provisions of service rules like FR SR, Leave Rules, GPF Rules, Pension Rules and Conduct rules etc. as are applicable in case of regular employees will not be applicable in case of contract appointees. The Employees Group Insurance Scheme as well as EPF/GPF will also not be applicable to contract appointee(s).
16. Reservation.—The appointment to the service shall be subject to orders regarding reservation in the service for Scheduled Castes/ Scheduled Tribes/Other Backward Classes/other categories of persons issued by the Himachal Pradesh Government from time to time.
17. Departmental Examination.—Not Applicable.
18. Power to Relax.—Where the State Govt. is of the opinion that it is necessary or expedient to do so, it may, by order for reasons to be recorded in writing and in consultation with the H.P. Public Service Commission, relax any of the provision (s) of these Rules with respect to any class or category of person(s) or post (s).
APPENDIX-I
| 1. | WRITTEN TEST { Percentage of marks obtained in written examination to be calculated out of 85 marks. For example, a candidate getting 50% marks in written examination will be given 42.5 marks}. | 85 marks |
| 2. | Evaluation of candidate to be made in the following manner:— ( i) eightage for the minimum educational qualification, prescribed in the Recruitment & Promotion Rules. =2.5 Marks {Percentage of marks obtained in the educational qualification would be multiplied by 0.025. For example, an individual has secured 50% marks in the required educational qualification, he/she will be allowed 1.25 marks (50x0.025=1.25)} ( ii) Belonging to notified Backward Area or Panchayat, as the case may be. =01 Mark (iii) Land less family/family having land less than 1 Hectare to be certified by the concerned Revenue Authority. =01 Mark (iv) Non-employment Certificate to the effect that none of the family members is in Government/Semi-Government service. =01 Mark ( v) Differently abled persons with more than 40% impairment/ disability/infirmity. =01 Mark ( vi) NSS (alteast one year)/certificate holders in NCC/ The Bharat Scout and Guide/Medal winner in National Level sports competitions. =01 Mark (vii) BPL family having annual income (from all sources) below ` 40,000/- or as prescribed by the Govt. from time to time. =02 Marks (viii) Widow/divorced/destitute/single woman. =01 Mark ( ix) Single daughter/Orphan =01 Mark ( x) Training of atleast 6 months duration related to the post applied for from a recognized University/ Institution. =01 Mark (xi) Experience upto a maximum of 5 years in Govt./Semi-Govt. Organization relating to the post applied for (0.5 marks only for each completed year) =2.5 Marks | 15 marks |
Form of contract/agreement to be executed between the Senior Scale Stenographer and the
Government of Himachal Pradesh through ______________ (Designation of the Appointing
Authority).
This agreement is made on this __________________day of _____________in the year_______________________ Between Sh./Smt. _______________________________S/o/D/o Shri____________________________ R/o_____________________________________________ Contract appointee (hereinafter called the FIRST PARTY), AND The Governor of Himachal Pradesh through _________________ (Designation of the Appointing Authority) Himachal Pradesh (here-in-after referred to as the SECOND PARY).
Whereas, the SECOND PARTY has engaged the aforesaid FIRST PARTY and the FIRST PARTY has agreed to serve as a Senior Scale Stenographer on contract basis on the following terms & conditions:—
1. That the FIRST PARTY shall remain in the service of the SECOND PARTY as a Senior Scale Stenographer for a period of one year commencing on day of ______________and ending on the day of _____________. It is specifically mentioned and agreed upon by both the parties that the contract of the___________FIRST PARTY with SECOND PARTY shall ipso-facto stand terminated on the last working day i.e. on ________________ and information notice shall not be necessary:
Provided that for further extension/renewal of contract period the HOD shall issue a certificate that the service and conduct of the contract appointee was satisfactory during the year and only then the period of contract is to be renewed/extended.
2. The contractual amount of the FIRST PARTY will be `14700/-per month.
3. The service of FIRST PARTY will be purely on temporary basis. The appointment is liable to be terminated in case the performance/conduct of the contract appointee is not found satisfactory.
4. The contract appointee will be entitled for one day's casual leave after putting one month's service, 10 days' medical leave and 5 days' special leave, in a calendar year. A female contract appointee with less than two surviving children may be granted maternity leave for 135 days'. A female contract appointee shall also be entitled for maternity leave not exceeding 45 days' (irrespective of the number of surviving children) during the entire service, in case of miscarriage including abortion, on production of medical certificate issued by the authorized Government Medical Officer. A contract employee shall not be entitled for medical re-imbursement and LTC etc. No leave of any other kind except above is admissible to the contract appointee.
Un-availed casual leave, medical leave and special leave can be accumulated upto the calendar year and will not be carried forward for the next calendar year.
5. Unauthorized absence from the duty without the approval of the Controlling Officer shall automatically lead to the termination of the contract. However, in exceptional cases where the circumstances for un-authorized absence from duty were beyond8758 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 his/her control on medical grounds, such period shall not be excluded while considering his/her case for regularization but the incumbent shall have to intimate the controlling authority in this regard well in time. However, the contract appointee shall not be entitled for contractual amount for this period of absence from duty:
Provided that he/she shall submit the certificate of illness/fitness issued by the Medical Officer, as per prevailing instructions of the Government.
6. An official appointed on contract basis who has completed three year's tenure at one place of posting will be eligible for transfer on need base basis wherever required on administrative grounds.
7. Selected candidate will have to submit a certificate of his/her fitness from a Government/Registered Medical Practioner. In case of women candidates pregnant beyond twelve weeks will render her temporarily unfit till the confinement is over. The women candidate should be re-examined for fitness from an authorized Medical Officer/Practitioner.
8. Contract appointee shall be entitled to TA/DA if required to go on tour in connection with his/her official duties at the same rate as applicable to regular counter-part official at the minimum of pay scale.
9. The Employees Group Insurance Scheme as well as EPF/GPF will not be applicable to contractual appointee(s).
IN WITNESS the FIRST PARTY AND SECOND PARTY have herein to set their hands the day, month and year first, above written.
IN THE PRESENCE OF WITNESS:
1. _______________________ ________________________ ________________________ (Name and Full Address)
(Signature of the FIRST PARTY) 1. ______________________ _______________________ _______________________
(Name and Full Address)
(Signature of the SECOND PARTY)
_____________
HIMACHAL PRADESH ELECTRICITY REGULATORY COMMISSION, SHIMLA
NOTIFICATION
Shimla, the 6th December, 2017
No. HPERC/438.—The Himachal Pradesh Regulatory Commission, in exercise of the powers conferred by sub-section (1) of section 62, section 66, clauses (a),(b) and (e) of section 86 and clause (zi) of sub-section (2) of section 181 of the Electricity Act, 2003 (36 of 2003), and all8759 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 other powers enabling it in this behalf, after previous publication, hereby makes the following amendment regulations, namely:—
REGULATIONS
1. Short title and commencement.—(1) These regulations may be called the Himachal Pradesh Electricity Regulatory Commission (Renewable Power Purchase Obligation and its Compliance) (Fourth Amendment) Regulations, 2017.
(2) These regulations shall come into force from the date of their publication in the Rajpatra, Himachal Pradesh.
2. Amendment of Regulation 4.—In the sub-regulation (3) of regulation 4 of the Himachal Pradesh Electricity Regulatory Commission (Renewable Power Purchase Obligation and its Compliance) Regulations, 2010, (hereinafter referred as "the said regulations"), the following proviso shall be inserted in between the existing second and third provisos, namely:
"Provided further that the quantum of electricity generated by the consumer through roof- top solar PV system under net metering arrangement in any year, shall qualify towards compliance for solar RPPO of the Distribution Licensee or the consumer, as the case may be, for that year in accordance with the provisions contained in Himachal Pradesh Electricity Regulatory Commission (Rooftop Solar PV Grid Interactive Systems based on Net Metering) Regulations, 2015."
3. Amendment of Regulation 6.—After the existing sub-regulation (2) of regulation 6 of the said regulations, the following sub-regulation (2 A) shall be added, namely:-
"(2A) (i) The State Agency shall, in consultation with the Commission, develop and maintain RPPO web-portal for registration by the obligated entities and for the compliance, monitoring and reporting etc. of RPPOs and simultaneously also formulate suitable procedures for smooth functioning of web-portal in relation to such activities.
(ii) The State Agency after the RPPO web-portal is developed and procedures are formulated under clause (i), shall, through public notices, declare the web-portal to be operative."
4. Substitution of Regulation 7.—For existing regulation 7 of the said regulations, the following shall be substituted, namely:-
"7. Registration and reporting by the obligated entities.—(1) The obligated entities, including those already registered off line with the State Agency, shall mandatorily register themselves online on RPPO web-portal within three months from the date on which the RPPO web-portal is declared, under clause (ii) of sub-regulation (2A) of regulation 6 to be operative, or from the date on which the entity qualifies for being an obligated entity under these regulations whichever is later and shall also furnish requisite information, on quarterly and annual basis as per the procedures, formulated by the State Agency under clause (i) of sub-regulation (2 A) of regulation 6.
(2) The obligated entities shall submit, online, necessary details regarding total consumption of electricity and power purchased from Renewable Energy Sources or Renewable Energy Certificate(s) procured, alongwith the reasons for shortfalls, if any, and the plans for fulfillment of RPPO as well as any other information as the State Agency may require, on quarterly 8760 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 basis before the end of the sixth week of the succeeding quarter and annual consolidated report on or before the 15th May of the succeeding year:
Provided that till such time the RPPO web portal becomes fully operative under clause (ii) of sub-regulations (2A) of regulation 6 such information shall be submitted alongwith its hard copy to the State Agency.
(3) The State Agency shall get the data submitted by the obligated entity, other than the Distribution Licensee, verified from the appropriate authorities viz the Nodal Agency in case of Open Access consumers and the officers designated by the Distribution Licensee in case of the captive consumers:
Provided that the State Agency, if it finds appropriate, may, in consultation with the Commission, also appoint the third party verifier, for verification of the data of the obligated entities.
(4) Save as provided in sub-regulations (2) and (3) of this regulation, each distribution licensee shall also indicate, along with sufficient proof thereof, the estimated quantum of purchase from renewable sources for the ensuing year in tariff/annual performance review petition in accordance with regulations made by the Commission. The estimated quantum of purchase shall be in accordance with sub-regulation (1) of regulation 4 of these regulations."
5. Substitution of Regulation 8.—For the existing regulation 8 of the said regulations, the following shall be substituted, namely:—
"8. Fulfillment of RPPOs.- (1) The quantum of RPPO inclusive of transmission and distribution losses mentioned in sub-regulation (2) of regulation 4 shall be applicable to captive and open access user(s)/ consumer(s) from the date made by the Commission in the Official Gazette.
(2) The obligated entities shall meet the RPPOs on quarterly and yearly basis as per provisions specified in regulations 4 and 5 of these regulations.
(3) The shortfall, if any, in the compliance of RPPOs in any year shall, unless such shortfall occurred due to non-availability of Renewable Energy Certificates (RECs) in the year in which such shortfall occurred, not be allowed to be carried forward to, or subsequent yearly adjustment against the surpluses of any subsequent year(s).
(4) Failure on the part of any obligated entity to meet its RPPO in any year shall be dealt in accordance with the provisions contained in regulation 9 of these regulations."
5. Amendment of Regulation 9.—(i) In sub-regulation (1) of regulation 9 of the said regulation, for the words " forbearance price", shall be substituted with words "floor price".
(ii) In regulation 9 of the said regulations, for sub-regulation (2), the following shall be substituted, namely:-
"(2) Where any obligated entity fails to furnish requisite information, as provided under regulation 7, or fails to comply with the obligation to purchase the required percentage of power from renewable energy sources as provided under these regulations or fails to purchase the renewable energy certificates, it shall also be liable for penalty as may be imposed by the Commission under Section 142 of the Act:
8761 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939Provided that in case of genuine difficulty in complying with the renewable power purchase obligation because of non-availability of certificates, the obligated entity can approach the Commission to carry forward the compliance requirement to the next year:
Provided further that where the Commission has consented to carry forward of compliance requirement, the provisions of sub-regulation (1) or the provisions of section 142 of the Act shall not be invoked."
By order of the Commission, Sd/- Secretary.
__________
ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
केस नं0 : 40/ME/T/2017
तारीख पेशी : 18-1-2018 1. श्री निरंजन देव शर्मा पुत्र दया सागर, गांव व डा0 ढालपुर, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश 2. श्रीमती प्रतीमा शर्मा पुत्री श्री चन्द्रमणी शर्मा, गांव जुब्बड़हटी, डा0 टूटू, शिमला-13, हिमाचल . . प्रार्थीगण। प्रदेश
बनाम
आम जनता
. . प्रतिवादीगण विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 1-11-1995 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान ढालपुर में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।8762 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
तारीख पेशी : 18-1-2018 केस नं0 : 41/ME/T/2017
1. श्री ध्यान चन्द पुत्र बुध राम, गांव नयान, डा0 भेखली, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश 2. श्रीमती अनीता पुत्री श्री प्रेम चन्द, गांव छाटीन, डा0 त्रिलोक नाथ, तहसील केलांग, जिला . . प्रार्थीगण। लाहौल स्पिति, हिमाचल प्रदेश।
बनाम
. . प्रतिवादीगण आम जनता
विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 25-05-2017 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान नयान में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
------
ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
तारीख पेशी : 18-1-2018 केस नं0 : 42/ME/T/2017
1. श्री दिगम्बर सिंह राणा पुत्र देवी सिंह, गांव वांशीग, डा0 बबेली, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
2. श्रीमती पुष्पा पुत्री श्री टसी अंगरूप, गांव भजोट, डा0 व तहसील मनाली, जिला कुल्लू, हिमाचल . . प्रार्थीगण। प्रदेश।
बनाम
. . प्रतिवादीगण आम जनता8763 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे। उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 13-04-2013 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान वांशीग में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
-------
ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
केस नं0 : 43/ME/T/2017
तारीख पेशी : 18-1-2018 1. श्री अदित्य पुत्र वाम देव, गांव रघुनाथपुर, डा0 सुल्तानपुर, जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश। 2. श्रीमती रजनी देवी पुत्री मोती राम, गांव रायल, डा0 पीज, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल . . प्रार्थीगण। प्रदेश।
बनाम
आम जनता
. . प्रतिवादीगण विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 13-07-2016 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान रघुनाथपुर में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।8764 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
तारीख पेशी : 18-1-2018 केस नं0 : 44/ME/T/2017
1. श्री शिव चन्द पुत्र चमन लाल, गांव पाहनाला, डा0 खड़ीहार, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
2. श्रीमती मीना कुमारी पुत्री मनु राम, गांव पाहनाला, डा0 खड़ीहार, तहसील व जिला कुल्लू, . . प्रार्थीगण। हिमाचल प्रदेश।
बनाम
. . प्रतिवादीगण आम जनता
विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 12-03-2012 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान पाहनाला में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
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ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
तारीख पेशी : 18-1-2018 केस नं0 : 45/ME/T/2017
1. श्री ढाले राम पुत्र जगत राम, गांव लींगर, डा0 खड़ीहार, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
2. श्रीमती आशा देवी पुत्री तुलसी राम, गांव छैलाह, डा0 शांलग, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल . . प्रार्थीगण। प्रदेश।
बनाम
आम जनता
. . प्रतिवादीगण8765 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे। उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 15-04-2017 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान लींगर में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
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ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
केस नं0 : 46/ME/T/2017
तारीख पेशी : 18-1-2018 1. श्री भरत कुमार पुत्र ओमी चन्द, गांव व डा0 सेऊबाग, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश। 2. श्रीमती निर्मला देवी पुत्री नन्दु राम, गांव सस्दोई, डा0 पनारसा, तहसील व जिला मण्डी, हिमाचल . . प्रार्थीगण। प्रदेश।
बनाम
आम जनता
. . प्रतिवादीगण विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 10-09-2015 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान सेऊबाग में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।8766 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
तारीख पेशी : 18-1-2018 केस नं0 : 47/ME/T/2017
1. श्री राजू पुत्र डोले राम, गांव सोयल, डा0 कराड़सू, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश। 2. श्रीमती रीना देवी पुत्री धर्म चन्द, गांव कलमी, डा0 कराड़सू, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल . . प्रार्थीगण। प्रदेश
बनाम
. . प्रतिवादीगण आम जनता
विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 10-08-2017 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान सोयल में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
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ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
तारीख पेशी : 18-1-2018 केस नं0 : 48/ME/T/2017
1. श्री मोहित शर्मा पुत्र राम दास, गांव अरछन्डी, डा0 लरांकेलो, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
2. श्रीमती प्रिया शर्मा पुत्री मोती लाल, गांव छाटन सेरी, डा0 रायसन, तहसील व जिला कुल्लू, . . प्रार्थीगण। हिमाचल प्रदेश
बनाम
. . प्रतिवादीगण आम जनता8767 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे। उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 13-06-2009 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान अरछन्डी में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
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ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
तारीख पेशी : 18-1-2018 केस नं0 : 49/ME/T/2017
1. श्री विकास राणा पुत्र विजय राणा, गांव जोणी रोपा, डा0 नेऊलीे, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
2. श्रीमती भानु प्रिया पुत्री रूप लाल, गांव नसोगी, डा0 छिनयाल, तहसील मनाली, जिला कुल्लू, . . प्रार्थीगण। हिमाचल प्रदेश।
बनाम
. . प्रतिवादीगण आम जनता
विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 19-04-2015 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान जोणी रोपा में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे। 8768 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
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ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
केस नं0 : 50/ME/T/2017
तारीख पेशी : 18-1-2018 1. श्री राम चन्द पुत्र सन्ता राम, गांव बड़ी शील, डा0 शीरड़, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
2. श्रीमती शान्ता पुत्री चमारू राम, गांव डगवान, डा0 सुधार, तहसील पधर, जिला मण्डी, हिमाचल . . प्रार्थीगण। प्रदेश
बनाम
आम जनता
. . प्रतिवादीगण विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 10-12-2015 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान बड़ी शील में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
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ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
केस नं0 : 51/ME/T/2017
तारीख पेशी : 18-1-2018 1. श्री अभिषेक ठाकुर पुत्र बलबीर चन्द ठाकुर, गांव दशाल, डा0 हरिपुऱ, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
2. श्रीमती प्रीती पनवार ठाकुर पुत्री K.V.S. पनवार, हाऊस नं0 3779, ग्राऊंड फ्लोर, सैक्टर 23, . . प्रार्थीगण। गुड़गांव, हरियाणा8769 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 बनाम . . प्रतिवादीगण आम जनता
विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 23-03-2015 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान दशाल में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
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ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
तारीख पेशी : 18-1-2018 केस नं0 : 52/ME/T/2017
1. श्री सुनील कुमार पुत्र श्री प्रेम चन्द, गांव अप्पर ढालपुर, डा0 ढालपुर, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
2. श्रीमती राज कुमारी पुत्री श्री तोत राम, गांव भलोगी, डा0 रायशन, तहसील व जिला कुल्लू, . . प्रार्थीगण। हिमाचल प्रदेश
बनाम
. . प्रतिवादीगण आम जनता
विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 11-05-2017 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान अप्पर ढालपुर में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व 8770 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
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ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
केस नं0 : 53/ME/T/2017
तारीख पेशी : 18-1-2018 1. श्री राम चन्द पुत्र श्री मोती राम, गांव रूंगा, डा0 फोजल़, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
2. श्रीमती उर्मिला देवी पुत्री प्यारे चन्द, गांव खारका, डा0 भल्याणी, तहसील व जिला कुल्लू, . . प्रार्थीगण। हिमाचल प्रदेश
बनाम
आम जनता
. . प्रतिवादीगण विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक ------ को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान अप्पर फोजल में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।8771 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
तारीख पेशी : 18-1-2018 केस नं0 : 54/ME/T/2017
1. श्री भाग चन्द पुत्र बुध राम, गांव साऊगी, डा0 कराड़सू़, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
2. श्रीमती सोनू देवी पुत्री शाऊणू राम, गांव जकड़ेहल, डा0 दोधरी, तहसील व जिला कुल्लू, . . प्रार्थीगण। हिमाचल प्रदेश
बनाम
. . प्रतिवादीगण आम जनता
विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 16-07-2006 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान राऊगी में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
------
ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
केस नं0 : 55/ME/T/2017
तारीख पेशी : 18-1-2018 1. श्री अभिनव पुत्र बीर सिंह, मकान नं0 195, वार्ड नं0 11, गांधी नगर कुल्लू, हिमाचल प्रदेश। 2. श्रीमती अदिती सूद पुत्री जगदीश सूद, गांव व डा0 नरवा, तहसील चौपाल, जिला शिमला, . . प्रार्थीगण। हिमाचल प्रदेश।
बनाम8772 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 आम जनता . . प्रतिवादीगण विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 28-07-2017 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान गांधीनगर में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।
------
ब अदालत श्री दौलत ठाकुर, नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी कुल्लू, जिला कुल्लू, हि0 प्र0
तारीख पेशी : 18-1-2018 केस नं0 : 56/ME/T/2017
1. श्री जोग राज पुत्र श्री लौहारू राम, गांव पाहनाला, डा0 खड़ीहार, तहसील व जिला कुल्लू, हिमाचल प्रदेश।
2. श्रीमती अनिता देवी पुत्री हीरा लाल, गांव चिरपना, डा0 गड़सा, तहसील व जिला कुल्लू, . . प्रार्थीगण। हिमाचल प्रदेश।
बनाम
. . प्रतिवादीगण आम जनता
विषय.-- प्रार्थना पत्र जेर धारा 5(4) हि0 प्र0 रजिस्ट्रीकरण नियम 2004 विवाह पंजीकरण बारे।
उपरोक्त मामला में प्रार्थीगण उपरोक्त ने दिनांक 18-11-2017 को इस अदालत में प्रार्थना-पत्र पेश किया है कि उन्होंने दिनांक 20-09-2015 को हिन्दू रीति रिवाज के अनुसार स्थान पाहनाला में शादी कर ली है और तब से पति पत्नी के रूप में रहते चले आ रहे हैं। परन्तु प्रार्थीगण द्वारा अपनी शादी का इन्द्राज सम्बन्धित पंचायत में दर्ज नहीं करवाया है।
अतः सर्वसाधारण को व सगे सम्बन्धियों को इस इश्तहार द्वारा सूचित किया जाता है कि किसी भी व्यक्ति को उपरोक्त प्रार्थीगणों की शादी से सम्बन्धित पंचायत के अभिलेख में दर्ज करने बारे कोई उजर व एतराज हो तो वह दिनांक 18-01-2018 को सुबह 10.00 बजे या इससे पूर्व असालतन या वकालतन हाजिर8773 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 अदालत पेश होकर अपना उजर व एतराज पेश कर सकता है। इसके उपरान्त कोई भी उजर व एतराज प्राप्त न होने की सूरत में नियमानुसार शादी दर्ज करने के आदेश पारित कर दिए जाएंगे।
आज दिनांक 18-11-2017 को मेरे हस्ताक्षर व मोहर अदालत द्वारा जारी हुआ।
मोहर।
दौलत ठाकुर,
नायब तहसीलदार एवं कार्यकारी दण्डाधिकारी,
जिला कुल्लू, हि0 प्र0।8774 राजपत्र, हिमाचल प्रदेश, 13 दिसम्बर, 2017/22 मार्गशीर्ष, 1939 नियन्त्रक, मुद्रण तथा लेखन सामग्री, हिमाचल प्रदेश, शिमला-5 द्वारा मुद्रित तथा प्रकाशित इलेक्ट्रॉनिक हस्ताक्षरित राजपत्र, वैबसाइट http://rajpatrahimachal.nic.in पर उपलब्ध है एवम् ऑनलाइन सत्यापित किया जा सकता है