, राज्य निर्वाचनराज्य निर्वाचनराज्य निर्वाचनराज्य निर्वाचन आयोग,आयोग,आयोग,आयोग, झारखण्डझारखण्डझारखण्डझारखण्ड
अधिसूचनाअधिसूचनाअधिसूचनाअधिसूचना
5 अक्टुबर, 20215 अक्टुबर, 20215 अक्टुबर, 20215 अक्टुबर, 2021
संख्याः 03निसंख्याः 03निसंख्याः 03निसंख्याः 03नि/पं/पं/पं/पं-128/2015 रा-128/2015 रा-128/2015 रा-128/2015 रानिनिनिनिआआआआ 1075 1075 1075 1075 राज्य निर्वाचन आयोग, झारखण्ड के अधिसूचना सं0-2155, दिनांक-27.08.2015 (गजट सं0-642, दिनांक-03.09.2015) के माध्यम से झारखण्ड पंचायत राज अधिनियम, 2001 (यथा संषोधित) की धारा 65'क' एवं 65'क''क' के अधीन "झारखण्ड पंचायत (निर्वाचन व्यय का लेखा संधारण एवं प्रस्तुति) आदेष, 2015" अधिसूचित किया गया था। इस अधिसूचना में संलग्न प्रपत्र-2 की कंडिका-3 को विलोपित करते हुए यथा संषोधित प्रपत्र-2 निर्गत कर संलग्न किया जाता है।
राज्य निर्वाचनआयुक्त के आदेशसे,
ह0/-ह0/-ह0/-ह0/-
संयुक्तसचिव,
राज्य निर्वाचनआयोग,
झारखण्ड, राँची। 2 (
प्रपत्र 2प्रपत्र 2प्रपत्र 2प्रपत्र 2
अभ्यर्थियों को निर्गत किया जाने वाला पत्र अभ्यर्थियों को निर्गत किया जाने वाला पत्र अभ्यर्थियों को निर्गत किया जाने वाला पत्र अभ्यर्थियों को निर्गत किया जाने वाला पत्र
पत्रांक .......................... दिनांक ....................... सेवा में, ............................................. (नाम) ............................................ (पता)
विशयः- निर्वाचन व्यय का लेखा संधारण एवं उसकी सच्ची प्रति (True copy) दाखिल करने के संबंध में। महोदय/महोदया,
आपका ध्यान झारखण्ड पंचायत राज अधिनियम, 2001 की धारा 65'क' एवं 65'क''क' की ओर आकृश्ट किया जाता है जिसके अनुसार पंचायत निर्वाचन का प्रत्येक निर्वाचन लड़ने वाला उम्मीदवार जिस तिथि को उसका नाम निर्देषन हुआ हो, उस तिथि से लेकर उसका परिणाम घोशित किए जाने की तिथि तक उसके या उसके निर्वाचन अभिर्काा द्वारा उपगत या प्राधिकृत निर्वाचन व्यय से जुड़े सभी खर्चों का पृथक और सही लेखा स्वयं रखेगा या अपने निर्वाचन अभिर्काा से रखवाएगा।
2. आपका ध्यान उक्त अधिनियम की धारा 65'क' के अनुसार किसी निर्वाचन में प्रत्येक अभ्यर्थी अपने निर्वाचन परिणाम की घोशणा की तिथि से 30 दिनों के अन्दर जिला निर्वाचन पदाधिकारी (पंचायत) या निर्वाची पदाधिकारी के पास निर्वाचन व्यय की विवरणी समर्पित करेगा जो उसके द्वारा या उसके निर्वाचन अभिर्काा द्वारा रखी गई लेखा की सच्ची प्रति (True copy) होगा।
3. यदि कोई अभ्यर्थी निर्वाचन व्यय का लेखा दाखिल नहीं करता है या उस प्रक्रिया तथा समय सीमा के अन्तर्गत दाखिल नहीं करता है जैसा विहित किया गया है तो झारखण्ड पंचायत राज अधिनियम, 2001 की धारा 65'क''क' के अन्तर्गत राज्य निर्वाचन आयोग उसे तीन वर्श की अवधि के लिए अयोग्य घोशित कर देगा। 4. निर्वाचन व्यय का लेखा संधारित करने हेतु आपको दिन-प्रतिदिन का लेखा व्यय पंजी तथा प्राप्ति रसीद का प्रपत्र 2 उपलब्ध कराया जा रहा है। आपके द्वारा दिन-प्रतिदिन के व्यय का हिसाब इसी पंजी में दर्ज करना है, किसी अन्य कागज या पंजी में नहीं। व्यय से संबंधित जितने भी भाउचर्स या बिल हैं उन्हें तिथिवार तथा क्रमानुसार उक्त पंजी के साथ ही संधारित करना है।
5. प्रतिदिन जो निर्वाचन व्यय होता है उससे संबंधित सभी भाउचर्स, बिल, रसीद आदि अवष्य ही प्राप्त कर लेना है तथा उन्हें क्रमांकित करते हुए व्यय पंजी के साथ संधारित करना है।
6. आपको उक्त पंजी तथा उसके समर्थन में उपलब्ध बिल, भाउचर्स, रसीद आदि को पूरे निर्वाचन प्रक्रिया के दौरान निर्धारित तिथि को जाँच हेतु जिला निर्वाचन पदाधिकारी, निर्वाची पदाधिकारी, आयोग के प्रेक्षक या इस कार्य हेतु आयोग द्वारा प्राधिकृत किसी व्यक्ति के समक्ष उपस्थापित करना है। यदि निर्धारित तिथि को जाँच 3
(
हेतु उक्त पंजी आपके द्वारा उपस्थापित नहीं की जाती है तो यह माना जाएगा कि आपके स्तर से दिन-प्रतिदिन का निर्वाचन व्यय का लेखा संधारित नहीं किया जा रहा है। फलतः आपके उपर भारतीय दण्ड संहिता की धारा 171-1 के तहत् कार्रवाई भी की जा सकती है।
7. निर्वाचन का परिणाम घोशित किए जाने के पष्चात् 30 दिनों के अन्दर निर्वाचन व्यय का लेखा दाखिल किया जाना है। परन्तु स्मरण रहे कि लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 78 के अनुसार इस लेखा को अभ्यर्थी द्वारा स्वयं ही दाखिल किया जाना है। अतः उक्त लेखा की छायाप्रति अपने पास रखकर मूल लेखा व्यय पंजी दाखिल कर सकते हैं।
8. लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 77(1) के अनुसार वैसे सभी प्रकार के व्यय या प्राधिकृत व्यय या उपगत व्यय जिसे अभ्यर्थी के निर्वाचन में किसी राजनीतिक दल या संस्था या व्यक्तियों का समूह या कोई अन्य व्यक्ति ने किया है तो उस व्यय को भी अभ्यर्थी के हित में किया गया व्यय माना जाएगा तथा उक्त व्यय का लेखा भी अभ्यर्थी को दाखिल करना है।
9. यदि आप एक ही साथ एक से अधिक पदों/निर्वाचन क्षेत्रों से चुनाव लड़ रहे हैं तो आपको उक्त पदों/निर्वाचन क्षेत्रों के लिए अलग-अलग व्यय का लेखा दाखिल करना है।
10. कृपया सभी अनुलग्नकों सहित इस पत्र की प्राप्ति स्वीकार की जाए तथा उसके एवज में विहित प्रपत्र 3 में एक प्राप्ति रसीद निर्वाची पदाधिकारी को उपलब्ध कराया जाए।
विष्वासभाजन
हहहह॰॰॰॰////---- निर्वाची पदाधिकारी 2. प्राप्ति रसीद का प्रपत्र।
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