मध्यप्रदेश शासन
मुख्य पोस्ट मास्टर जनरल डाक परिमंडल, के पत्र क्रमांक 22/153 , दिनांक 10-1-06 द्वारा पूर्व भुगतान योजनान्तर्गत डाक व्यय की पूर्व अदायगी डाक द्वारा भेजे जाने के लिए अनुमत.
सत्यमेव जयते
पंजी. क्रमांक भोपाल डिवीजन म. प्र. - 108- भोपाल- 09-11 .
मध्यप्रदेश राजपत्र
प्राधिकार से प्रकाशित
क्रमांक 9 ]
भोपाल, शुक्रवार, दिनांक 26 फरवरी 2010- फाल्गुन 7 , शक 1931
विषय-सूची
भाग 1.- ( 1 ) राज्य शासन के आदेश, ( 2 ) विभाग प्रमुखों के आदेश , (3 ) उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं, (4) राज्य शासन के संकल्प, ( 5 ) भारत शासन के आदेश और अधिसूचनाएं, (6 ) निर्वाचन आयोग , भारत की अधिसूचनाएं, ( 7 ) लोक- भाषा परिशिष्ट .
भाग 2.- स्थानीय निकाय की अधिसूचनाएं,
भाग 3.- ( 1 ) विज्ञापन और विविध सूचनाएं,
(2) सांख्यिकीय सूचनाएं,
भाग 4.- ( क) ( 1 ) मध्यप्रदेश विधेयक, ( 2 ) प्रवर समिति के प्रतिवेदन, (3 ) संसद् में पुरःस्थापित विधेयक,
(ख) ( 1 ) अध्यादेश, ( 2 ) मध्यप्रदेश अधिनियम, (3 ) संसद् के अधिनियम,
(ग) ( 1 ) प्रारूप नियम, ( 2 ) अंतिम नियम.
भाग १
राज्य शासन के आदेश
सामान्य प्रशासन विभाग
मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल
भोपाल, दिनांक 4 फरवरी 2010
क्र. ई- 5-779- आयएएस लीव- 5-एक.- ( 1 ) श्री रामकिंकर गुप्ता, भाप्रसे , सचिव , मध्यप्रदेश , लोक सेवा आयोग, इन्दौर को दिनांक 4 से 11 फरवरी 2010 तक, आठ दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा उक्त अवकाश के साथ दिनांक 12, 13 एवं 14 फरवरी 2010 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है .
( 2 ) अवकाश से लौटने पर श्री रामकिंकर गुप्ता को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न सचिव , मध्यप्रदेश , लोक सेवा आयोग, इन्दौर के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है ..
241
(3 ) अवकाशकाल में श्री रामकिंकर गुप्ता को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(4) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री रामकिंकर गुप्ता अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते. भोपाल, दिनांक 5 फरवरी 2010
क्र. ई- 1-35-2010-5- एक. ( 1 ) श्रीमती आभा अस्थाना , भाप्रसे (1977) अपर मुख्य सचिव , मध्यप्रदेश शासन , धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व तथा संस्कृति विभाग एवं ट्रस्टी सचित्र , भारत भवन को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ , आगामी आदेश तक, जेल एवं संसदीय कार्य विभाग का प्रभार भी अतिरिक्त रूप से सौंपा जाता है . श्रीमती आभा अस्थाना द्वारा उपरोक्तानुसार जेल एवं संसदीय कार्य नियंत्रक, शासकीय मुद्रण तथा लेखन सामग्री, मध्यप्रदेश द्वारा शासकीय केन्द्रीय मुद्रणालय, भोपाल से मुद्रित तथा प्रकाशित-2010 242
विभाग का कार्यप्रभार ग्रहण करने के उपरांत श्री अरविन्द कुमार जोशी, भाप्रसे ( 1979 ) , प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन , जेल एवं संसदीय कार्य विभाग के प्रभार से मुक्त होंगे .
(2) श्रीमती लवलीन कक्कड़, भाप्रसे ( 1979 ) प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन , सामाजिक न्याय विभाग को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ , आगामी आदेश तक , महिला एवं बाल विकास विभाग का प्रभार भी अतिरिक्त रूप से सौंपा जाता है . श्रीमती लवलीन कक्कड़ द्वारा उपरोक्तानुसार महिला एवं बाल विकास विभाग का कार्यप्रभार ग्रहण करने के उपरांत श्रीमती टीनू जोशी, भाप्रसे ( 1979 ) , प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन , महिला एवं बाल विकास विभाग के प्रभार से मुक्त होंगे.
क्र. ई - 1-36-2010-5-एक. श्री पी. डी. मीणा, भाप्रसे ( 1980) प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन , लोक निर्माण विभाग को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ , आगामी आदेश तक, खेल एवं युवा कल्याण विभाग का प्रभार भी अतिरिक्त रूप से सौंपा जाता है . श्री पी. डी. मीणा द्वारा खेल एवं युवा कल्याण विभाग का कार्यप्रभार ग्रहण करने पर श्री एम. के. राय , भाप्रसे ( 1977 ) , अपर मुख्य सचिव, मध्यप्रदेश शासन , किसान कल्याण तथा कृषि विकास, सहकारिता, पशुपालन , मछली पालन, खेल एवं युवा कल्याण, वन विभाग तथा पदेन कृषि उत्पादन आयुक्त, केवल खेल एवं युवा कल्याण विभाग के प्रभार से मुक्त होंगे.
क्र. ई - 5-739 - आयएएस- लीव- 5- एक. ( 1 ) श्री हीरालाल त्रिवेदी , आयएएस . , कमिश्नर, शहडोल संभाग, शहडोल को दिनांक 15 से 19 फरवरी 2010 तक पांच दिन का अर्जित अबकाश स्वीकृत किया जाता है तथा इस अवकाश के साथ दिनांक 12 , 13, 14 एवं 20, 21 फरवरी 2010 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.
(2) श्री हीरालाल त्रिवेदी की अवकाश की अवधि में श्री नीरज दुबे , आयएएस, कलेक्टर, शहडोल को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, कमिश्नर, शहडोल संभाग का प्रभार सौंपा जाता है .
(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री हीरालाल त्रिवेदी को अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कमिश्नर, शहडोल संभाग शहडोल के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .
(4 ) श्री हीरालाल त्रिवेदी द्वारा कमिश्नर, शहडोल संभाग , शहडोल का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री नीरज दुबे, कमिश्नर, शहडोल संभाग , शहडोल के प्रभार से मुक्त होंगे.
(5) अवकाशकाल में श्री हीरालाल त्रिवेदी को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1 (6) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री हीरालाल त्रिवेदी अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
भोपाल , दिनांक 6 फरवरी 2010
क्र. ई- 5-702- आयएएस लीव-5-एक. ( 1 ) श्री प्रदीप खरे, आयएएस . , सचिव मध्यप्रदेश शासन, सामान्य प्रशासन विभाग को दिनांक 6 से 19 फरवरी 2010 तक चौदह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा उक्त अवकाश के साथ दिनांक 20, 21 फरवरी 2010 का सार्वजनिक अवकाश को जोड़ने की अनुमति दी जाती है.
( 2) अवकाश से लौटने पर श्री प्रदीप खरे को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न सचिव , मध्यप्रदेश शासन, सामान्य प्रशासन विभाग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(3) अवकाशकाल में श्री प्रदीप खरे को वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था .
(4) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री प्रदीप खरे अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .
क्र. ई- 5-290- आयएएस लीव- 5 - एक. ( 1 ) श्री एम. के. राय , आयएएस , तत्कालीन अध्यक्ष , मध्यप्रदेश व्यावसायिक परीक्षा मण्डल, वर्तमान में अपर मुख्य सचिव, किसान कल्याण तथा कृषि विकास , सहकारिता, पशुपालन , मछलीपालन तथा पदेन कृषि उत्पादन आयुक्त, अपर मुख्य सचिव, वन विभाग को इस विभाग के समसंख्यक आदेश दिनांक 1 फरवरी 2010 द्वारा दिनांक 2 से 8 फरवरी 2010 तक सात दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत कर उक्त अवकाश अवधि में अध्यक्ष, मध्यप्रदेश व्यावसायिक परीक्षा मण्डल का प्रभार श्री देवेन्द्र सिंघई , आयएएस, सदस्य सचिव, राज्य योजना आयोग एवं पदेन प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन, योजना आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग तथा बीस सूत्रीय कार्यान्वयन विभाग को सौंपा गया है.
2. राज्य शासन उक्त आदेश में आंशिक संशोधन करते हुए श्री सिंघई के स्थान पर श्रीमती आभा अस्थाना, भाप्रसे , अपर मुख्य सचिव , मध्यप्रदेश शासन धार्मिक न्यास तथा धर्मस्व , संस्कृति तथा जेल, संसदीय कार्य विभाग तथा ट्रस्टी सचिव , भारत भवन को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अपर मुख्य सचिव, किसान कल्याण तथा कृषि विकास , सहकारिता , पशुपालन , मछलीपालन तथा पदेन कृषि उत्पादन आयुक्त, अपर मुख्य सचिव, वन विभाग का प्रभार श्री एम. के. राय के उक्त अवकाश अवधि में सौंपा जाता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,
अवनि वैश्य, मुख्य सचिव.
243 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
भोपाल, दिनांक 6 फरवरी 2010 भोपाल, दिनांक 29 जनवरी 2010
क्र. ई- 5-390 - आयएएस- लीव- एक- 5.- ( 1 ) श्रीमती लवलीन कक्कड़, आयएएस. , प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन, सामाजिक न्याय विभाग को दिनांक 11 से 24 जनवरी 2010 तक, चौदह दिन का लघुकृत अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
क्र. ई - 1-4-2010-5- एक. राज्य शासन , श्री आर. सी. साहनी, भाप्रसे ( 1972 ) , मुख्य सचिव , मध्यप्रदेश शासन को अधिवार्षिकी आयु पूर्ण करने के फलस्वरूप दिनांक 31 जनवरी , 2010 ( अपरान्ह ) से शासकीय सेवा से सेवानिवृत्त करता है .
(2) अवकाश से लौटने पर श्रीमती लवलीन कक्कड़ को अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, स्थानापन्न प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन, सामाजिक न्याय विभाग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(3) अवकाशकाल में श्रीमती लवलीन कक्कड़ को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
क्र. ई- 1-32-2010-5-एक. डॉ. कोमल सिंह , भाप्रसे ( 1989 ) , कमिश्नर, ग्वालियर संभाग , ग्वालियर दिनांक 31 जनवरी , 2010 को अधिवार्षिकी आयु पूर्ण कर सेवानिवृत्त हो रहे हैं. कमिश्नर , ग्वालियर संभाग , ग्वालियर के पद पर अन्य पदस्थापना होने तक कमिश्नर, ग्वालियर संभाग , ग्वालियर का प्रभार श्री आकाश त्रिपाठी, भाप्रसे ( 1998 ) , कलेक्टर, ग्वालियर को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ-साथ अतिरिक्त रूप से सौंपा जाता है .
(4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्रीमती लवलीन कक्कड़ अवकाश पर नहीं जातीं तो अपने पद पर कार्य करतीं रहतीं.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, अलका उपाध्याय, सचिव.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, के. सी. पन्त, अवर सचिव .
भोपाल , दिनांक 15 फरवरी 2010
गृह विभाग मंत्रालय, वल्लभ भवन, भोपाल
भोपाल, दिनांक 6 फरवरी 2010 क्र. एफ. 3-1-2010- एक-4.- राज्य शासन, नवगठित नगर पंचायत, बड़ौनी , जिला दतिया के प्रथम आम निर्वाचन एवं नगर पंचायत छापीहेड़ा, जिला राजगढ़ के आम निर्वाचन हेतु मतदान दिनांक 17 फरवरी 2010 बुधवार को संबंधित क्षेत्र के लिये स्थानीय अवकाश घोषित करता है . यह स्थानीय अवकाश इस वर्ष के लिये जिलाध्यक्ष , जिला दतिया एवं राजगढ़ द्वारा घोषित स्थानीय अवकाशों के अतिरिक्त होगा.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, आर. डी. साहू, अपर सचिव.
क्र. एफ- 1- (ए) -253-88- ब-2-दो.- ( 1 ) डॉ. आर. के. गर्ग , भापुसे पुलिस महानिरीक्षक, सामुदायिक पुलिसिंग एवं पुलिस सुधार पुमु, भोपाल को दिनांक 15 से 24 फरवरी 2010 तक ( दस ) 10 दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा दिनांक 12, 13 एवं 14 फरवरी 2010 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.
भोपाल, दिनांक 2 फरवरी 2010
( 2) डॉ. आर. के. गर्ग , भापुसे की अवकाश अवधि में श्री अवस्थी, भापुसे पुलिस महानिरीक्षक, अजाक एवं सामुदायिक पुलिसिंग एवं पुलिस सुधार पुमु, भोपाल को वर्तमान कर्तव्यों के साथ-साथ अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, पुलिस महानिरीक्षक सामुदायिक पुलिसिंग एवं पुलिस सुधार पुमु, भोपाल का प्रभार सौंपा जाता है.
( 3 ) डॉ. आर. के. गर्ग, भापुसे द्वारा पुलिस महानिरीक्षक सामुदायिक पुलिसिंग एवं पुलिस सुधार पुमु, भोपाल का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री राकेश अवस्थी, पुलिस महानिरीक्षक सामुदायिक पुलिसिंग एवं पुलिस सुधार पुमु, भोपाल के प्रभार से मुक्त होंगे .
क्र. ई - 5-769- आयएएस लीव -5- एक ( 1 ) श्रीमती सोनाली एन. वायंगणकर, अपर आयुक्त , वाणिज्यिक कर, इन्दौर को इस विभाग के समसंख्यक आदेश दिनांक 18 दिसम्बर 2009 द्वारा दिनांक 10 से 18 दिसम्बर 2009 तक, नौ दिन के स्वीकृत अर्जित अवकाश में आंशिक संशोधन करते हुए अब उन्हें दिनांक 14 से 18 दिसम्बर तक, पांच दिन का अर्जित अवकाश कार्योत्तर स्वीकृत किया जाता है तथा उक्त अवकाश के साथ दिनांक 12 , 13 एवं 19 , 20 दिसम्बर 2009 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.
इस विभाग के समसंख्यक आदेश दिनांक 18 दिसम्बर 2009 की शेष कंडिकायें यथावत् रहेंगी.
(4) अवकाश से लौटने पर डॉ. आर. के. गर्ग, भापुसे को अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, स्थानापन्न पुलिस महानिरीक्षक सामुदायिक पुलिसिंग एवं पुलिस सुधार पुमु, भोपाल के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
244
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[ भाग 1
(1)
(2)
(3)
निम्नस्तर
( 5 ) अवकाशकाल में डॉ. आर. के. गर्ग, भापुसे को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
उज्जैन संभाग
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि डॉ. आर. के. गर्ग , भापुसे अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
1 श्रीमती शोभना चौहान
शिक्षक मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, राजन कटोच, प्रमुख सचिव
जबलपुर संभाग
2 श्री अरुण कुमार बढौतिया
मेट्रन गृह ( सामान्य ) विभाग मंत्रालय, वल्लभ भवन , भोपाल (विभागीय परीक्षा प्रकोष्ठ)
भोपाल संभाग
भोपाल , दिनांक 8 फरवरी 2010
शिक्षक
3 कु. सोना जावड़ा
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, मधु खरे , उपसचिव क्र. एफ. 3-21-2009- दोए ( 3 ) .- राज्य शासन द्वारा वन विभाग के अधिकारियों के लिये नियत विभागीय परीक्षा जो दिनांक 18 सितम्बर 2009 को प्रश्न- पत्र लेखा द्वितीय ( बिना पुस्तकों के ) में सम्पन्न हुई थी, में सम्मिलित निम्नलिखित परीक्षार्थियों को उत्तीर्ण घोषित किया जाता है :-
लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग परीक्षार्थी का नाम
पदनाम
मंत्रालय, वल्लभ भवन, भोपाल अनु. (1)
(2)
(3)
भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2010 जबलपुर संभाग
1 श्री जगदीश प्रसाद बर्मन
वन क्षेत्रपाल
रीवा संभाग
वन क्षेत्रपाल
2 श्री ललित कुमार पाण्डे
क्र. 366-2688-09 - सत्रह मेडि - 1.- खाद्य अपमिश्रण निवारण अधिनियम, 1954 ( 1954 का सं. 37 ) की धारा 8 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुये , राज्य सरकार, एतद्वारा , नीचे दी गई सारणी के कॉलम नं. ( 2 ) में विनिर्दिष्ट व्यक्ति को उसके ( सारणी के) कॉलम ( 3 ) में की तत्स्थानी प्रविष्टि में विर्निदिष्ट स्थानीय क्षेत्रों के लिये खाद्य अपमिश्रण निवारण अधिनियम, 1954 की धारा 13 (2 ) ई के अन्तर्गत नमूने के दूसरे भाग की जांच करने हेतु लोक विश्लेषक नियुक्त करती है :-
सारणी
क्र. एफ. 3-43-2009- दोए ( 3 ) .- राज्य शासन द्वारा पंचायत एवं सामाजिक न्याय विभाग के अधिकारियों के लिये नियत विभागीय परीक्षा जो दिनांक 16 सितम्बर 2009 को प्रश्न - पत्र स्थानीय शासन अधिनियम तथा नियम ( बिना पुस्तकों के ) विषय में सम्पन्न हुई थी, में सम्मिलित निम्नलिखित परीक्षार्थियों को उत्तीर्ण घोषित किया जाता है :-
परीक्षार्थी का नाम
अनु. (1)
(2)
अनु.क्रमांक (1)
व्यक्ति का नाम (2)
पदनाम (3)
सौंपे गये स्थानीय क्षेत्र (3)
1
उच्चस्तर उज्जैन संभाग
संपूर्ण मध्यप्रदेश के स्थानीय क्षेत्र के लिये.
1 श्री राकेश मोहन दुबे
मेट्रन
श्रीमती सुभासिनी माधवराव दिघे केमिस्ट नगरपालिका निगम , इन्दौर.
भोपाल संभाग
2 श्री अरुण जोशी
परिवीक्षा अधिकारी
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, राजेश जैन, उपसचिव..
3 श्री राम विलास सेमिल
परिवीक्षा अधिकारी भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग मंत्रालय, वल्लभ भवन , भोपाल
भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2010
क्र. डी- 15-19-2009- चौदह- 3.- मध्यप्रदेश कृषि उपज मण्डी अधिनियम , 1972 ( क्रमांक 24 सन् 1973 ) की धारा 5 की उपधारा ( 2 ) के खण्ड ( क ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार , एतद्वारा , इस विभाग की अधिसूचना क्रमांक 4139/13 सी , दिनांक 5 अगस्त 1955 द्वारा स्थापित कृषि उपज मण्डी समिति, हाटपिपल्या के मण्डी क्षेत्र के निम्नलिखित स्थान या परिक्षेत्र का विस्तार कर मण्डी प्रांगण घोषित करती है, अर्थात्: -
स्थान
नगर पंचायत हाटपिपल्या तहसील हाटपिपल्या, जिला देवास के निम्नलिखित खसरा क्रमांक की 2.016 हेक्टर भूमि का क्षेत्र:-
क्रमांक खसरा क्रमांक क्षेत्रफल (हेक्टर में) (1)
(2)
(3)
1
1.400
946/2, 947/1
2
0.410
949/1, 949/2/1
3
949/3ख
0.100
4
0.104
949/1, 949/2/2
5
949/3/ख/2
0.002
योग .. 2.016
जिसकीसीमाएं
उत्तर में- पाटीदार छात्रावास
दक्षिण में-केशा पिता गल्ला, पूरण पिता माधो
पूर्वमें- आम रास्ता
पश्चिम में- कृषि उपज मंडी का पुराना प्रांगण
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एस. बघेल, अपर सचिव.
भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2009
क्र. डी- 15-19-2009-चौदह- 3.- भारत के संविधान के अनुच्छेद 348 के खण्ड ( 3 ) के अनुसरण में , इस विभाग की समसंख्यक अधिसूचना दिनांक 10 फरवरी 2010 का अंग्रेजी अनुवाद राज्यपाल के प्राधिकार से एतद्वारा प्रकाशित किया जाता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एस. बघेल, अपर सचिव.
245 Bhopal , the 10th February 2010 No. D- 15-19-2009 - XIV - 3.- In exercise of the powers conferred by clause ( a) of sub - section ( 2) of Section 5 of theMadhya Pradesh Krishi Upaj Mandi Adhiniyam, 1972 (No. 24 of 1973 ) , the State Government hereby extend the following area including all structures , enclosure , open places or locality in the market area for which a market at Hatpiplia has been established by this Department's Notification No. 4139-13 C dated 5-8-1955 shall be the Market yard namely :---
PLACE
An area of 2.016 Hectare land of below mentioned Khasra number at Nagar Panchayat at Hatpiplia in Tehsil Hatpiplia of District Dewas :-
S. No. (1)
Khasra No. (2)
Area ( in Hectors) (3) 1
946/2, 947/1
1.400 2
949/1 , 949/2/1
0.410 3
949/3B
0.100 4
949/1, 949/2/2
0 104 5
949/3/B/2
0.002
Total 2.016 BOUNDED BY
1. On the North by- Patidar Hostel
2. On the South by-Kesha S/o Galla , Puran S /o Madhao
3. On the East by Public Road .
4. On the West by-Old Yard of Krishi Upaj Mandi By order and in the name of the Governor of Madhya Pradesh , B. S. BAGHEL , Addl . Secy.
भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2010
क्र.डी- 15-19-2009-चौदह- 3.- मध्यप्रदेश कृषि उपज मण्डी अधिनियम , 1972 ( क्रमांक 24 सन् 1973 ) की धारा 5 की उपधारा ( 2 ) के खण्ड ( ख ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार, एतद्वारा , इस विभाग की समसंख्यक अधिसूचना दिनांक 10 फरवरी 2010 के अधीन घोषित मण्डी प्रांगण के संबंध में मण्डीक्षेत्र हाटपिपल्या, जिला देवास के निम्नलिखित क्षेत्र को मूल मण्डी क्षेत्र घोषित करती है :-
क्षेत्र
1. नगर पंचायत हाटपिपल्या, तहसील हाटपिपल्या, जिला देवास की सीमाओं के भीतर का क्षेत्र.
246
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
2. मंडी प्रांगण से पांच किलोमीटर की परिधि के भीतर आने वाले निम्नलिखित ग्रामों को समाविष्ट करता हुआ क्षेत्र :-
( 1 ) हाटपिपल्या, 2. मनासा करनावद, 3. लिम्बोदा , 4. खजुरिया बीना , 5. गुरडा, 6. चोर पिपल्या, 7. घूडिया इकलहेरा , 8 इकलहेरा खुर्द, 9. तिसू, 10. बिजूखेड़ी, 11. रहली, 12. गाडरखेड़ी, 13. बावडीखेड़ा, 14. चासिया, 15. बरखेड़ा सोमा, 16. गुडारिया गोपी , 17. रायसन, 18. सादीपुरा , 19. मूमखेड़ी ( सुमराखेड़ी ) 20. पिपलोदा, 21. बावल्या, 22. टील्याखेड़ी.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एस. बघेल , अपर सचिव.
भोपाल, दिनांक 10 फरवरी 2010
क्र. डी- 15-19-2009- चौदह- 3.- भारत के संविधान के अनुच्छेद 348 के खण्ड ( 3 ) के अनुसरण में, इस विभाग की समसंख्यक अधिसूचना दिनांक 10 फरवरी 2010 का अंग्रेजी अनुवाद राज्यपाल के प्राधिकार से एतद्वारा प्रकाशित किया जाता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एस. बघेल , अपर सचिव.
Bhopal , the 10th February 2010
No. D- 15-19-2009 - XIV - 3.- In exercise of the powers conferred by clause (b ) of sub- section ( 2) of Section 5 of the Madhya Pradesh Krishi Upaj Mandi Adhiniyam , 1972 (No. 24 of 1973 ) , the State Government , hereby , declare that in the relation to the market yard declare vide this department notification even number dated 10th February 2010 the following area of Hatpiplia of district Dewas shall be market yard namely :-
AREA
(1) An area within the limit of Nagar Panchayat Hatpiplia in Tehsil Hatpiplia of District Dewas .
(2) An area comprising of the following villages within the radious of 5 Kilometers from the market yard namely :-
(1) Hatpiplia , (2) Manasha Kernavad , (3 ) Limboda, (4) Khajuriya Beena ( 5 ) Gurda , (6) Chour Piplia , ( 7 ) Ghudiya Icalhera , (8) Icalhera Khurd , ( 9 ) Tisu , (10) Bijukhedi, (11) Rehli , (12) Gadarkhedi , ( 13 ) Bavdikheda , (14) Chasiy , ( 15 ) Berkheda Soma , (16) Gudariya Gopi , ( 17 ) Raison , 18 .
Sadipura , 19. Moomkhedi (Sumrakhedi ) , 20. Piploda, 21. Bavalya , 22. Tilyakhedi .
By order and in the name of the Governor of
Madhya Pradesh , B. S. BAGHEL , Addl . Secy.
[भाग 1 भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2010
क्र. डी- 15-69-2007-चौदह- 3.- मध्यप्रदेश कृषि उपज मण्डीअधिनियम , 1972 ( क्रमांक 24 सन् 1973 ) , की धारा 3 की उपधारा ( 1 ) के अधीन जारी की गई इस विभाग की अधिसूचना क्रमांक डी- 15-69-2007-चौदह-3 , दिनांक 15 सितम्बर 2009 के द्वारा राज्य सरकार ने ग्वालियर जिले की भितरवार तहसील के विकासखण्ड एवं तहसील भितरवार में समाविष्ट समस्त राजस्व एवं वन ग्रामों के क्षेत्र में कृषि उपज के क्रय- विक्रय को विनियमन करने के लिए भितरवार में पृथक् मण्डी स्थापित करने के अपने आशय की घोषणा की थी.
अतएव , मध्यप्रदेश कृषि उपज मंडी अधिनियम, 1972 (क्रमांक 24 सन् 1973 ) की धारा 4 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार, एतद्वारा, उक्त अधिनियम के प्रयोजन के लिये उक्त अधिनियम की अनुसूची में विनिर्दिष्ट की गई कृषि उपज के संबंध में ग्वालियर जिले की भितरवार तहसील के विकासखण्ड एवं तहसील भितरवार में समाविष्ट समस्त राजस्व एवं वनग्रामों के क्षेत्र में कृषि उपज के क्रय- विक्रय का विनियमन करने के लिये भितरवार में एक मंडी स्थापित करती है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , बी. एस. बघेल, अपर सचिव.
भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2010
क्र. डी- 15-69-2007- चौदह- 3.- भारत के संविधान के अनुच्छेद 348 के खण्ड ( 3 ) के अनुसरण, में इस विभाग की समसंख्यक अधिसूचना दिनांक 10 फरवरी 2010 का अंग्रेजी अनुवाद राज्यपाल के प्राधिकार से एतद्वारा प्रकाशित किया जाता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एस. बघेल, अपर सचिव.
Bhopal , the 10th February 2010
No. D - 15-69-2007 - XIV- 3.- WHEREAS , vide this department Notification No. D - 15-69-2007 - XIV- 3 , dated 15th September 2009 issued under the provision of sub - section ( 1 ) of Section 3 of the Madhya Pradesh Krishi Upaj Mandi Adhiniyam , 1972 ( No. 24 of 1973 ), the State Government had declared its intention to established a seperate market at Bhitarwar for regulating the purpose and sale of the Agricultural produce mentioned in the Schedule of the said Act in Revenue and Forest villages of the area of Development Block and Tehsil Bhitarwar in Gwalior district.
भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
247
भोपाल, दिनांक 10 फरवरी 2010
क्र. डी- 15-69-2007-चौदह-3.- भारत के संविधान के अनुच्छेद 348 के खण्ड ( 3 ) के अनुसरण में इस विभाग की समसंख्यक अधिसूचना दिनांक 10 फरवरी 2010 का अंग्रेजी अनुवाद राज्यपाल के प्राधिकार से एतद्वारा प्रकाशित किया जाता है .
NOW , THEREFORE in exercise of the powers conferredby Section 4 of the Madhya Pradesh Krishi Upaj Mandi Adhiniyam 1972 , the State Government hereby established a seperate market at Bhitarwar of Tehsil Bhitarwar of district Gwalior including in revenue and forest villages of the area of development Block and Tehsil Bhitarwar for regulating the purchase and sale Agricultural produce mentioned in the schedule of the said Act .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एस. बघेल , अपर सचिव .
By order and in the name of the Governor of Madhya Pradesh ,
Bhopal , the 10th February 2010
B. S. BAGHEL, Addl . Secy .
भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2010
No. D - 15-69-2007 - XIV-3 .-- WHEREAS , by this department Notification No. D - 15-11-84 - XIV- 3 (21 ) , dated 6th September 1985 issued under the provisions of Section 4 of the Madhya Pradesh Krishi Upaj Mandi Adhiniyam , 1972 ( No. 24 of 1973 ) , the State Government hereby regulated the purchase and sale of the Agricultural produce specified in the said Notification in the area of Tehsil Dabra and Bhitarwar in Gwalior District , ( here in after referred to as the " said market area " ) .
क्र. डी- 15-69-2007- चौदह-3 . चूंकि, राज्य शासन ने मध्यप्रदेश कृषि उपज मंडी अधिनियम 1972 ( क्रमांक 24 सन् 1973 ) की धारा 4 के अधीन जारी की गई इस विभाग की अधिसूचना क्रमांक डी- 15-11-84-चौदह 3 ( 21 ) , दिनांक 6 सितम्बर 1985 द्वारा जिला ग्वालियर की डबरा एवं भितरवार तहसील के मंडी क्षेत्र डबरा में ( जो इसमें इसके पश्चात् " उक्त मंडी क्षेत्र " के नाम से निर्दिष्ट है ) उक्त अधिसूचना में निर्दिष्ट कृषि उपजों के क्रय- विक्रय को विनियमित किया था.
AND WHEREAS by this department Notification No. D- 15-69-2007 - XIV- 3 , dated 15th Septemeber 2009 issued under the provision of clause ( iii ) of sub section (1) of Section 70 of the Madhya Pradesh Krishi Upaj Mandi Adhiniyam , 1972 ( No. 24 of 1973 ) , the State Government has singnifies its intention to alter the limit of the said Market area by split up there from the area comprising of villages situated in Bhitarwar development Block and Tehsil of Dabra Tehsil of Gwalior District . ( here in after referred to as the said area) .
और, चूंकि, राज्य सरकार ने मध्यप्रदेश कृषि उपज मंडी अधिनियम , 1972 ( क्रमांक 24 सन् 1973 ) की धारा 70 की उपधारा ( 1 ) के खण्ड ( तीन ) के उपबंधों के अधीन जारी की गई इस विभाग की अधिसूचना क्रमांक डी- 15-69-2007-चौदह -3 , दिनांक 15 सितम्बर 2009 द्वारा ग्वालियर जिले की डबरा तहसील के विकासखण्ड एवं तहसील भीतरवार स्थित ग्रामों में समाविष्ट क्षेत्र (जो इसमें इसके पश्चात् " उक्त मंडी क्षेत्र " के नाम से निर्दिष्ट है ) को अपवर्जित करते हुये उक्त मंडी क्षेत्र की सीमाओं में परिवर्तन करने का अपना आशय प्रगट किया था.
NOW, THEREFORE , in exercise of the powers conferred by clause (c) of sub section ( 2) of Section 71 of Madhya Pradesh Krishi Upaj Mandi Adhiniyam 1972 (No. 24 of 1973 ) , the State Government hereby signifies its intention to establish a seperate market atBhitarwar by splitting the " said market area " from the " said area " .
By order and in the name of the Governor of Madhya Pradesh , B. S. BAGHEL , Addl . Secy.
भोपाल, दिनांक 10 फरवरी 2010
अतएव, मध्यप्रदेश कृषि उपज मंडी अधिनियम 1972 ( क्रमांक 24 सन् 1973 ) की धारा 71 की उपधारा ( 2 ) के खण्ड ( ग ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार, एतद्वारा यह निर्देश देती है कि इस अधिसूचना के " मध्यप्रदेश राजपत्र " में प्रकाशित होने के दिनांक से " उक्त मंडी क्षेत्र " को ग्वालियर जिले की भितरवार तहसील की डबरा मंडी के " उक्त क्षेत्र से " विपाटित करके मंडी क्षेत्र की सीमाओं में परिवर्तन करके अपने आशय को संज्ञापित करती है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एस. बघेल , अपर सचिव.
क्र. डी- 15-69-2007 चौदह- 3.- मध्यप्रदेश कृषि उपज मण्डी अधिनियम , 1972 ( क्रमांक 24 सन् 1973 ) की धारा 5 की उपधारा ( 2 ) के खण्ड ( क ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार, एतद्वारा , इस विभाग की समसंख्यक अधिसूचना 248
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
दिनांक 10 फरवरी 2010 द्वारा स्थापित कृषि उपज मण्डी समिति, डबरा के अन्तर्गत मण्डी क्षेत्र के निम्नलिखित स्थान उस पर बने समस्त संरचना, अहाता, खुला स्थान या परिक्षेत्र को मंडी प्रांगण घोषित करती है , अर्थात्: -
स्थान
नगरपालिका भितरवार, तहसील , भितरवार जिला ग्वालियर के निम्नलिखित खसरा क्रमांक 739 की 7.264 हेक्टर भूमि का क्षेत्र :-
क्रमांक खसरा क्रमांक क्षेत्रफल ( हेक्टर में ) 1
739
7.264
योग ..
7.264
जिसकी सीमाएं
उत्तर में- खसरा नम्बर 740, 741 , 674,673 इत्यादि की भूमि दक्षिण में- खसरा क्रमांक 753 , नदी पारवती
पूर्व में- खसरा क्रमांक 738 , चरनोई
पश्चिम में- खसरा नम्बर 747 , चरनोई
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एस. बघेल , अपर सचिव.
भोपाल, दिनांक 10 फरवरी 2010
क्र.डी- 15-69-2007-चौदह- 3.- भारत के संविधान के अनुच्छेद 348 के खण्ड ( 3 ) के अनुसरण में इस विभाग की समसंख्यक अधिसूचना दिनांक 10 फरवरी 2010 का अंग्रेजी अनुवाद राज्यपाल के प्राधिकार से एतद्वारा प्रकाशित किया जाता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एस. बघेल , अपर सचिव.
Bhopal , the 10th February 2010
No. D- 15-69-2007 - XIV - 3.- In exercise of the powers conferred by clause ( a) of sub- section (2 ) of Section 5 of the Madhya Pradesh Krishi Upaj Mandi Adhiniyam , 1972 (No. 24 of 1973) , the State Government , hereby decclared the following area including all structures , enclosure , open places or locality in the market area for which a market at Bhitarwar has been established by this Department's Notification even No. dated 10th February 2010 shall be the Market yard namely:-
PLACE
An area of 7.264 Hecters land of below mentioned Khasra number at Nagarpalika Bhitarwar in Tehsil Bhitarwar of District Gwalior :-
S. No. (1)
Khasra No. (2)
Area ( in Hecters) (3) 1.
739
7.264
Total 7.264
BOUNDED BY
1. On the North by-Land of Khasra No. 740 , 741 , 674, 673 etc.
2. On the South by-Land of Khasra No. 753 , Parvati River.
3. On the East by-Govt . Land of Khasra No. 738 .
4. On the West by Govt . Land of Khasra No. 747 .
By order and in the name of the Governor of Madhya Pradesh , B. S. BAGHEL , Addl . Secy.
भोपाल, दिनांक 10 फरवरी 2010
क्र. डी- 15-69-2007- चौदह- 3.- मध्यप्रदेश कृषि उपज मण्डी अधिनियम , 1972 (क्रमांक 24 सन् 1973 ) की धारा 5 की उपधारा ( 2 ) के खण्ड ( ख ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार, एतद्वारा , इस विभाग की समसंख्यक अधिसूचना दिनांक 10 फरवरी 2010 के अधीन घोषित मण्डी प्रांगण के संबंध में मण्डी क्षेत्र भितरवार, जिला ग्वालियर के निम्नलिखित क्षेत्र को मूल मण्डी क्षेत्र घोषित करती है :-
क्षेत्र
1. नगरपालिका भितरवार, तहसील भितरवार, जिला ग्वालियर की सीमाओं के भीतर का क्षेत्र.
2. मूल मंडी प्रांगण से पांच किलोमीटर की परिधि के भीतर आने वाले निम्नलिखित ग्रामों को समाविष्ट करता हुआ क्षेत्र :-
( 1 ) बासोढ़ी , ( 2 ) मछरिया, ( 3 ) बागवई , ( 4 ) सुकना खिरिया, ( 5 ) घाटमपुर, ( 6 ) बरौआ, ( 7 ) नयागांव , ( 8 ) निठौदा, ( 9 ) सहारन, ( 10 ) शासन, (11) गोहिन्दा, ( 12 ) डरूमर, ( 13 ) धाकड़खिरिया , ( 14) श्यामपुर, ( 15 ) जौरा .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एस. बघेल, अपर सचिव.
भोपाल, दिनांक 10 फरवरी , 2010
क्र. डी- 15-69-2007- चौदह- 3.- भारत के संविधान के अनुच्छेद 348 के खण्ड ( 3 ) के अनुसरण में , इस विभाग की समसंख्यक अधिसूचना दिनांक 10 फरवरी 2010 का अंग्रेजी अनुवाद राज्यपाल के प्राधिकार से एतद्वारा प्रकाशित किया जाता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एस. बघेल, अपर सचिव.
249 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
Bhopal , the 10th February 2010
परिवहन विभाग
मंत्रालय , वल्लभ भवन , भोपाल
भोपाल, दिनांक 18 फरवरी 2010
No. D- 15-69-2007 - XIV - 3 . In exercise of the powers conferred by clause ( b) of sub- section ( 2) of Section 5 of the Madhya Pradesh Krishi Upaj Mandi Adhiniyam , 1972 (No. 24 of 1973 ) , the State Government , hereby , declare that in the relation to the market yard declared vide this departments notification even number dated 10th February 2010 the following area of Bhitarwar of district Gwalior shall be market yard namely :-
AREA
(1) An area within the limit of Nagar Palika Bhitarwar in Tehsil Bhitarwar of District Gwalior.
क्र. 581-5484-2009- आठ . मध्यप्रदेश मोटरयान कराधान अधिनियम, 1991 ( क्रमांक 25 सन् 1991 ) की धारा 21 की उपधारा ( 1 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार, एतद्वारा , मंजिली गाड़ी अनुज्ञा- पत्र के अन्तर्गत आने वाले नीचे दिये गये विनिर्दिष्ट मार्गों पर अनन्यतः चलाए जा रहे समस्त लोक सेवा यानों को, उक्त अधिनियम के अधीन कर का संदाय करने से इस सीमा तक आंशिक रूप से छूट प्रदान करती है कि ऐसे यानों पर उक्त अधिनियम की प्रथम अनुसूची की मद- चार की उपमद ( ग ) में विनिर्दिष्ट की गई दर पर इस अधिसूचना के " मध्यप्रदेश राजपत्र " में प्रकाशन की तारीख से देय होगा :-
(2) An area comprising of the following villages within the radious of 5 Kilometers from the main market yard namely :-
मार्ग
1. इन्दौर - पीथमपुर व्हाया राऊ बायपास ( मार्ग क्र. 25) (10 Shasan , ( 11 ) Gohinda , ( 12) Darumar ,
(1) Basodi , ( 2) Machariya , (3 ) Baguai , ( 4) Sukhana Khiriya , ( 5) Ghatampur , (6) Baroua , (7) Nayagawon, (8 ) Nithouda, (9 ) Saharan , ( 13) Dhakarkhiriya , ( 14) Shayampur , (15) Jaura .
By order and in the name of the Governor of
Madhya Pradesh , B. S. BAGHEL, Addl . Secy .
मछली पालन विभाग मंत्रालय, वल्लभ भवन , भोपाल
No. 581-5484-2009 - VIII . In exercise of the powers conferred by sub - section ( 1 ) of Section 21 of the Madhya Pradesh Motoryan Karadhan Adhiniyam , 1991 ( No. 25 of 1991 ) , the State Government , hereby, partially exempts all public service vehicles covered under stage carriage permit and plying solely on the routes specified below, from the payment of tax to the extent that the tax on such vehicles shall be payble at the rate specified in sub - item ( c) of Item IV of first Schedule of the said Act with effect from the date of publication of this Notification in the " Madhya Pradesh Gazette" .
भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2010
ROUTE
1. Indore -Pithampur via Rau Bypass (Route No. 25) क्र. एफ. 22-35-2009- छत्तीस. राज्य शासन, द्वारा संचालक, मत्स्योद्योग का चालू कार्यभार तत्काल प्रभाव से आगामी आदेशों तक, श्री एल . एन. सोनी, उप सचिव, मछलीपालन विभाग को अपने कार्य के अतिरिक्त सौंपा जाता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, दिलीप राज द्विवेदी, उपसचिव.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, जी. डी. गुप्ता, अवर सचिव.
250
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
[ भाग 1
आवास एवं पर्यावरण विभाग
मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल
भोपाल, दिनांक 11 फरवरी 2010
क्र. एफ - 3-93-2009- बत्तीस.- मध्यप्रदेश नगर तथा ग्राम निवेश अधिनियम , 1973 (क्रमांक 23 सन् 1973 ) की धारा 23 " क " की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार, एतद्वारा , इस विभाग की सूचना क्रमांक एफ-3-93-2009- बत्तीस , दिनांक 3 नवम्बर 2009 द्वारा उक्त धारा की उपधारा ( 2 ) द्वारा अपेक्षित किये गये अनुसार प्रकाशित भोपाल विकास योजना, 2005 में निम्नलिखित उपांतरण की पुष्टि करती है. उपांतरण ब्यौरे एवं शर्तें निम्नानुसार हैं :-
उपांतरण विवरण
क्रमांक
ग्राम
खसरा
क्रमांक
क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)
विकास योजना में निर्दिष्ट भू- उपयोग
(1)
(2)
(3)
(4)
(5)
उपांतरण पश्चात् उपांतरित भू- उपयोग (6) 1. ग्राम गौरा
0.405 हेक्टेयर
कृषि
239/2/2/1/3/1/2 239/2/2/1/3/1/1 239/2/1/5
0.651 हेक्टेयर
0.405 हेक्टेयर
सार्वजनिक/अर्द्ध सार्बजनिक के अन्तर्गत शैक्षणिक.
1.461 हेक्टेयर
कुल योग ..
( 2 ) उपरोक्त उपांतरण भोपाल विकास योजना, 2005 का एकीकृत भाग होगा.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,
वर्षा नावलेकर, उपसचिव.
राजस्व विभाग
मंत्रालय, वल्लभ भवन, भोपाल
भोपाल, दिनांक 11 फरवरी 2010
क्र. 15-07-2006- सात 6.- मध्यप्रदेश भू- राजस्व संहिता, 1959 ( क्रमांक 20 सन् 1959 ) की धारा 93, 94 ( 2 ) , 95 , 96 , 97 ( 1 ) , 98 (2) के साथ पठित धारा 258 की उपधारा ( 1 ) तथा उपधारा ( 2 ) के खण्ड ( तेरह ) , ( चौदह ) , ( पन्द्रह ) , (सोलह ) , ( सत्रह) तथा (अठारह) के अधीन बनाये गये नियमों के नियम 29 के पठित उक्त संहिता की धारा 97 की उपधारा ( 1 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य शासन, एतद्वारा , नीचे दी गई सारणी के कॉलम ( 2 ) में वर्णित नगर सैलाना, जिला रतलाम के खण्डों ( ब्लाकों ) के संबंध में उक्त सारणी के कॉलम ( 3 ) , ( 4 ) , ( 5 ) तथा ( 6 ) को तत्स्थानी प्रविष्टियों में उल्लेखित कर निर्धारण की मानक दर प्रकाशित करता है, जिन्हें राज्य शासन ने उक्त नगर को ऐसी भूमि पर कर निर्धारण के लिये अनुमोदित किया गया है जो वाणिज्यिक औद्योगिक प्रयोजनों और आवासगृहों के लिये या ऐसे समान प्रयोजनों के लिये जो कृषि भिन्न प्रयोजन हेतु उपयोग में लाई जाती है :-
क्र.
समूह एवं नगर का नाम
प्रति 100 वर्गफीट के हिसाब से
निर्धारण मानक दर
प्रति 10 वर्गमीटर के हिसाब से निर्धारण मानक दर
निवासरार्थ
व्यापारार्थ
निवासरार्थ
व्यापारार्थ (1)
(2)
(3)
(4)
(5)
(6) 1
सैलाना
67.65
72.75
101.50
109.20
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,
डी. पी. अहिरवार , उपसचिव.
251 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
विधि और विधायी कार्य विभाग
भोपाल , दिनांक 15 फरवरी 2010
फा. क्र. 17 ( ई) 83-03- इक्कीस ब ( एक ) .-विद्युत् अधिनियम, 2003 ( 2003 का संख्यांक 36 ) की धारा 153 की उपधारा ( 1 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य शासन , एतद्वारा , इस विभाग की अधिसूचना फा. क्र. 17 (ई ) 83-03 - इक्कीस - ब ( एक) , दिनांक 6 अक्टूबर, 2009 में जो मध्यप्रदेश राजपत्र भाग -1 , दिनांक 16 अक्टूबर , 2009 में प्रकाशित हुई थी , निम्नलिखित संशोधन करता है, अर्थात्: -
संशोधन
उक्त अधिसूचना में, अनुसूची में, अनुक्रमांक 12 तथा उससे संबंधित प्रविष्टियों के स्थान पर, निम्नलिखित अनुक्रमांक तथा उससे संबंधित प्रविष्टियां स्थापित की जाएं, अर्थातः
विशेष न्यायालय
अनु क्र.
सिविल जिले का नाम
(1)
(2)
(3)
विशेष न्यायालय की क्षेत्रीय अधिकारिता (विद्युत् क्षेत्र के अनुसार) (4)
"12
भिण्ड
प्रथम अतिरिक्त सेशन न्यायाधीश, भिण्ड.
सिविल जिला भिण्ड का समस्त विद्युत् क्षेत्र (अनुक्रमांक 13 तथा 14 विशेष न्यायालय की अधिकारिता को छोड़कर) . " .
टिप्पणी :-विशेष न्यायालय में लंबित मामले उनकी क्षेत्रीय अधिकारिता के अनुसार नवीन गठित न्यायालय में अंतरित हो जायेंगे .
F. No. 17 (E) 83-03 - XXI - B ( 1 ) . In exercise of the powers conferred by sub - section ( 1 ) of Section 153 of the Electricity Act, 2003 (No. 36 of 2003 ) , the State Government, hereby makes the following amendments in this Department'snotification F. No. 17(E) 83-03 - XXI- B ( 1 ) , dated 6th October , 2009 which was published in the Madhya Pradesh Gazette Part 1 dated 16th October, 2009 , nemely :---
AMENDMENTS
In the said notification, in the Schedule , for serial number 12 and entries relating thereto , the following serial number and entries relating thereto shall be substituted , namely:-
S. No.
SpecialCourt
Name of Civil District
(1)
(2)
Territorial Jurisdiction of Special Court (according to the Electricity Area) (4)
(3)
"12
Bhind
1stAdditional Sessions Judge , Bhind .
All electricity area of Civil District , Bhind (excluding the jurisdiction of special courts at serial number 13 and 14) . " .
Note: The pending cases of the Special Court be stand transferred to the newly constituted court according the their territorial jurisdiction.
फा. क्र. 17 ( ई ) 83-03- इक्कीस- ब ( एक) .-विद्युत् अधिनियम , 2003 ( 2003 का संख्यांक 36 ) की धारा 153 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य शासन , मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय की सहमति से एतद्वारा, इस विभाग की अधिसूचना 252
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1 फा. क्र. 17 (ई ) 83-03 - इक्कीस- ब ( एक) , दिनांक 6 अक्टूबर , 2009 में जो मध्यप्रदेश राजपत्र भाग -1 , दिनांक 16 अक्टूबर , 2009 में प्रकाशित हुई थी , निम्नलिखित संशोधन करता है , अर्थात् : -
संशोधन उक्त अधिसूचना में , अनुसूची में , अनुक्रमांक 12,19 और 63 तथा उनसे संबंधित प्रविष्टियों के स्थान पर, निम्नलिखित अनुक्रमांक तथा उनसे संबंधित प्रविष्टियां स्थापित की जाएं, अर्थात : - अनु क्र.
सिविल जिले का नाम
विशेष न्यायालय
का नाम
(1)
(2)
(3) "12
भिण्ड
प्रथम अतिरिक्त सेशन न्यायाधीश , भिण्ड.
19
छतरपुर
अतिरिक्त सेशन न्यायाधीश, नौगांव, छतरपुर .
63
नीमच
विशेष न्यायालय के न्यायाधीश का नाम
(4)
श्री संजीव कुमार सरैया , प्रथम अतिरिक्त सेशन न्यायाधीश , भिण्ड.
श्री जगदीश चंद्र सुनहरे, अतिरिक्त सेशन न्यायाधीश, नौगांव , छतरपुर.
अतिरिक्त सेशन न्यायाधीश , मनासा
श्री जी. एस. सलूजा, अतिरिक्त सेशन न्यायाधीश , मनासा. ".
F. No. 17 (E) 83-03 - XXI - B( one) . In exercise of the powers conferred by sub - section (2) of Section 153 of the Electricity Act , 2003 ( No. 36 of 2003 ) , the State Government , with the concurrence of the High Court of Madhya Pradesh , hereby makes the following amendments in this Department's Notification F. No. 17 (E) 83-03 - XXI - B ( 1 ) , dated 6th October , 2009 which was published in the Madhya Pradesh Gazette Part 1 dated 16th October , 2009 nemely:---
AMENDMENTS
In the said notification , in the Schedule , for serial numbers 12,19 and 63 and entries relating thereto , the following serial numbers and entries relating thereto shall be substituted , namely:-
S. No.
(1)
Name of Civil District (2)
Name of Special Court (3) "12
Bhind
Ist additional Sessions Judge , Bhind .
19
Chhatarpur Additional Sessions Judge , Nowgaon , Chhatarpur .
63
Neemuch
Additional Sessions Judge , Manasa Name of the Judge of the Special Court (4)
Shri Sanjeev Kumar Saraiya , 1st Additional Sessions Judge , Bhind .
Shri Jagdesh Chandra Sunhare , Additional Sessions Judge , Nowgaon Chhatarpur.
Shri G.S. Saluja , Additional Sessions Judge , Manasa.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, एन. के. गुप्ता, प्रमुख सचिव.
भाग 1]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
253
विभाग प्रमुखों के आदेश
कार्यालय , कलेक्टर , जिला मुरैना, मध्यप्रदेश
मुरैना, दिनांक 1 फरवरी 2010
क्र. एस.सी. - 2-03-2010. - सामान्य पुस्तक परिपत्र भाग-2 के अनुक्रमांक-04 के नियम-08 एवं मध्यप्रदेश शासन , सामान्य प्रशासन विभाग मंत्रालय वल्लभ भवन, भोपाल के ज्ञाप क्रमांक- एम . 3-2-1999-1-4, भोपाल दिनांक 30 मार्च, 1999 में विहित शक्तियों का प्रयोग करते हुये , मैं, एम. के. अग्रवाल , कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी मुरैना वर्ष 2010 में मुरैना जिले के लिये निम्नानुसार स्थानीय अवकाश घोषित करता हूं:-
क्रमांक
त्यौहार का नाम
(1)
दिनांक (2)
दिन (3)
(4)
1
2मार्च 2010
मंगलवार
होली भाई दूज
2
7 अक्टूबर 2010
गुरूवार
सर्वपितृ मोक्ष अमावस्या
3
6 नवम्बर 2010
शनिवार
गोवर्धन पूजा
2. जिला मुरैना में स्व. श्री रामप्रसाद विस्मिल जयंती का स्थानीय अवकाश घोषित किये जाने की प्रथा होने से दिनांक 19 दिसम्बर 2010 को रविवार का सार्वजनिक अवकाश होने से इसे स्थानीय अवकाश में शामिल नहीं किया गया है.
3. यह आदेश बैंक एवं कोषालयों पर प्रभावशील नहीं होगा.
एम. के. अग्रवाल, कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला शाजापुर मध्यप्रदेश
शाजापुर, दिनांक 4 फरवरी 2010
क्र. सामान्य 1-2010-49-50-संशोधित आदेश. कार्यालयीन आदेश क्रमांक-सामान्य एक- 2009-457-58 , दिनांक 23 दिसम्बर 2009 से शाजापुर जिले के लिये 3 स्थानीय अवकाश घोषित किये गये थे . उक्त आदेश में श्रावण माह का अंतिम सोमवार बैजनाथ महादेव आगर की अंतिम सवारी हेतु दिनांक 5 अगस्त 2010 को आगर अनुविभाग के लिये स्थानीय अवकाश घोषित किया गया था. जो दिनांक 23 अगस्त 2010 माना जावे.
उक्त आदेश बैंक एवं कोषालय पर लागू नहीं होगा.
राजेन्द्र शर्मा, कलेक्टर.
मध्यप्रदेश विद्युत् उत्पादन कंपनी लिमिटेड, रामपुर , जबलपुर
फोन. 0761-265804, 2702615
फैक्स : 0761-2645661
जबलपुर, दिनांक 5 फरवरी 2010
अधिसूचना
क्र. 07-01-9100-273.- यह कि विद्युत् अधिनियम, 2003 के अधीन प्रदत्त अंधिकारों एवं कर्तव्यों के पालन हेतु मध्यप्रदेश पॉवर जनरेटिंग कंपनी लिमिटेड एवं मेसर्स बीएचईएल के संयुक्त उपक्रम दादा धूनीवाले खंडवा पॉवर लि. द्वारा विद्युत् की निरंतर बढ़ती हुई मांग को पूरा करने के प्रयास में खंडवा जिले में ग्राम - गोराड़िया के निकट कोयले पर आधारित एक 2 × 800 मेगावाट ताप विद्युत् परियोजना प्रस्तावित है. इस परियोजना से मध्यप्रदेश राज्य को विद्युत् ऊर्जा उत्पादन के लाभ प्राप्त होंगे . यह कि, इस परियोजना को सूचनार्थ प्रकाशित किया जाता है , ताकि इसमें अभिरुचि रखने वाले अनुज्ञप्तिधारी अथवा अन्य व्यक्तियों को सूचना मिल सके एवं उन्हें यदि कोई आपत्ति हो 254
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1 तो वे अपना आपत्ति पत्र नियमानुसार प्रस्तुत कर सकें. अतः मध्यप्रदेश पॉवर जनरेटिंग कंपनी लिमिटेड दादा धूनीवाले खंडवा पॉवर लि. की ओर से इस परियोजना को निम्नानुसार प्रकाशित करता है:-
1. नाम : इस परियोजना को दादा धूनीवाले खंडवा पॉवर लि. , ग्राम - गोराड़िया के निकट जिला खंडवा, मध्यप्रदेश के नाम से जाना जायेगा.
2. कार्यक्षेत्र : इस परियोजना के अन्तर्गत आने वाले कार्य क्षेत्र निम्नानुसार हैं:- ग्राम गोराडिया, सोमगांव एवं कोडियाखेड़ा, तहसील पुनासा, जिला खंडवा के समीप एक विद्युत् गृह एवं राखड़ बांध स्थापित किया जायेगा. विद्युत् गृह की कुल स्थापित क्षमता 2 × 800 मेगावाट होगी . इस परियोजना के अन्तर्गत दो बायलर, स्टीम टरबाइन, जनरेटर एवं उपसंयंत्रों की स्थापना की जावेगी जिसमें सिविल, यांत्रिक तथा विद्युतीय कार्यों के साथ- साथ अन्य संबंधित कार्य जैसे राखड़ बांध, परिवहन सुविधायें , आवास कालोनी का निर्माण आदि भी प्रस्तावित है. विद्युत् उत्पादन हेतु जल आपूर्ति, ग्राम बोरखेड़ाखुर्द ( जो कि डूब क्षेत्र में है ) , के निकट स्थित नर्मदा हाईड्रोइलेक्ट्रिक डेवलपमेंट कारपोरेशन द्वारा निर्मित इंदिरा सागर जलाशय से लगभग 11 कि.मी. लंबी पाइप लाइन द्वारा की जायेगी . परियोजना हेतु कोयले का परिवहन डब्ल्यू.सी . एल. एन.सी.एल. के अधीन कोयला खदानों से प्रस्तावित है. विद्युत् संयंत्र से उत्सर्जित राखड़ को विद्युत् संयंत्र के समीप निर्मित राखड़ बांध में निस्तारित किया जायेगा. विद्युत् गृह एवं राखड़ बांध तथा अन्य निर्माण कार्यों के लिये जिन ग्रामों की भूमि का पूर्ण या आंशिक भूमि अधिग्रहण प्रस्तावित है उनके नाम गोराडिया, सोमगांव एवं कोडियाखेड़ा है.
3. अनुमानित लागत : प्रस्तावित परियोजना की अनुमानित लागत रु. 10100 करोड़ आंकी गई है .
4. निर्माण कार्य : यह परियोजना सन् 2014-2015 में क्रियाशील होना प्रस्तावित है .
5. परियोजना के लाभ : इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य प्रदेश की स्थापित विद्युत् क्षमता में बढ़ोत्तरी करना तथा राज्य को उत्पादित विद्युत् का लाभ प्रदान करना. इस परियोजना के पूर्ण होने पर इससे लगभग 11,914 मिलियन यूनिट ( 85 प्रतिशत पी.यू.एफ. पर) का वार्षिक उत्पादन होने लगेगाः
6. पारेषण एवं वितरण परियोजना से उत्पादित विद्युत् के पारेषण संबंधी कार्य मध्यप्रदेश विद्युत् पारेषण कंपनी लिमिटेड तथा वितरण संबंधी कार्य संबंधित विद्युत् वितरण कंपनी द्वारा संपादित किया जाना प्रस्तावित है.
7. तार खंभे आदि लगाने का अधिकार : विद्युत् उत्पादन, पारेषण एवं वितरण के लिये तथा टेलीफोन एवं टेलीग्राम सिग्नलों के पारेषण हेतु तार, खंभे, दीवाल , ब्रेकेट, स्टे , संयंत्रों और उपकरणों के लगाने हेतु विद्युत् अधिनियम, 1948 की धारा 42 एवं विद्युत् अधिनियम, 2003 के प्रावधानों के अनुसार दादा धूनीवाले खंडवा पॉवर लि. को वे सभी अधिकार हैं एवं उनका वह उपयोग करेगा जो भारतीय तारयंत्र के संबंध में प्राप्त है.
8. परियोजना के निर्माण का अधिकार परियोजना से संबंधित विभिन्न निर्माण कार्य का संपूर्ण अधिकार विद्युत् अधिनियम, 2003 की धारा 7 के अनुसार दादा धूनीवाले खंडवा पॉवर लि. को होगा.
एतद्वारा सूचित किया जाता है कि इसमें अभिरुचि रखने वाले किसी भी अनुज्ञप्तिधारी या अन्य किसी भी व्यक्ति को इस परियोजना के निर्माण के संबंध में यदि कोई आपत्ति हो तो वह अपना आपत्ति पत्र इस अधिसूचना के प्रकाशित होने की तारीख से दो माह के अंदर प्रस्तुत कर सकता है . इस समयावधि के पश्चात् प्राप्त किसी भी आपत्ति पर विचार नहीं किया जायेगा .
कमलेश त्रिपाठी
अतिरिक्त सचिव, मध्यप्रदेश विद्युत् उत्पादन कंपनी लिमिटेड, जबलपुर.
भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
255
राज्य शासन के आदेश
कार्यालय, कलेक्टर, जिला बड़वानी, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
बड़वानी , दिनांक 5 फरवरी 2010
क्र. 168- भू-अर्जन-2010-प्र. क्र. 03-अ-82-2009-10.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को, इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है:-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील
ग्राम
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा (2 ) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(1) (2) (3)
(4)
(5)
(6)
निहाली
बड़वानी
2.774
राजपुर
कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास सं. क्र. 12 , राजपुर, जिला बड़वानी (म. प्र) .
लोअर गोई परियोजना की मुख्य नहरके निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्यों हेतु.
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) , राजपुर एवं कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग क्रमांक 12 , राजपुर के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 169 - भू- अर्जन- 2010-प्र. क्र. 04-अ- 82-2009-10.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने (1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को , इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन , इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है:-
अनुसूची
भूमिका वर्णन
जिला तहसील
ग्राम
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा (2 ) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(1) (2)
(3)
(4)
(5)
(6)
बड़वानी
0.715
राजपुर
बुदरा
कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास सं. क्र. 12 , राजपुर, जिला बड़वानी ( म. प्र ) .
लोअर गोई परियोजना की मुख्य नहरके निर्माण एवं उससे संबंधित अन्यकार्यों हेतु.
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) , राजपुर एवं कार्यपालन यंत्री , नर्मदा विकास संभाग क्रमांक 12, राजपुर के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
[भाग 1 256
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
क्र. 170 - भू- अर्जन- 2010-प्र. क्र. 05-अ-82-2009-10.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने (1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को, इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है: -
अनुसूची
भूमिका वर्णन
सार्वजनिक प्रयोजन कावर्णन जिला
ग्राम
तहसील
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(6)
(5)
(2)
(1)
(3)
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टरमें) (4)
8.372
राईपुरा
राजपुर
बड़वानी
लोअर गोई परियोजना की मुख्य नहरके निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्यों हेतु.
कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास सं. क्र. 12 , राजपुर, जिला बड़वानी (म. प्र ).
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) भू- अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) , राजपुर एवं कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग क्रमांक 12 , राजपुर के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 171 - भू-अर्जन- 2010-प्र. क्र. 06-अ-82-2009-10.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को, इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है: -
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन भूमि का वर्णन ग्राम
जिला तहसील
धारा 4 की उपधारा (2 ) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(6)
(5)
(1) (2) (3)
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में) (4)
13.790
दानोद
बड़वानी राजपुर
लोअर गोई परियोजना की मुख्य नहरके निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्यों हेतु.
कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास सं. क्र. 12 , राजपुर, जिला बड़वानी ( म. प्र) .
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) भू- अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) राजपुर एवं कार्यपालन यंत्री , नर्मदा विकास संभाग क्रमांक 12, राजपुर के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 172 - भू- अर्जन- 2010-प्र. क्र. 07- अ- 82-2009-10.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने (1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को, इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी भाग 1 ]
257
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
को उक्त भूमि के संबंध में धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है:-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील ग्राम
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(3) नरावला
(4) 1.537 (2) राजपुर
(1) बड़वानी
सार्वजनिक प्रयोजन कावर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(5) कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास सं. क्र. 12 , राजपुर, जिला बड़वानी ( म. प्र) .
(6) लोअर गोई परियोजना की मुख्य नहरके निर्माण एवं उससे संबंधित अन्यकार्यों हेतु.
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान) भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) , राजपुर एवं कार्यपालन यंत्री , नर्मदा विकास संभाग क्रमांक 12 , राजपुर के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 173 - भू-अर्जन- 2010- प्र. क्र. 08-अ- 82-2009-10.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने (1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को , इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है:-
अनुसूची
भूमिका वर्णन
जिला तहसील
ग्राम
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(4)
(3) रोझानी
9.363 (1) बड़वानी
(2) राजपुर
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा (2 ) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(6)
(5)
कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास सं. क्र. 12 , राजपुर, जिला बड़वानी (म. प्र ) .
लोअर गोई परियोजना की मुख्य नहर के निर्माण एवं उससे संबंधित अन्यकार्यों हेतु.
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) , राजपुर एवं कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग क्रमांक 12 , राजपुर के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है .
क्र. 174-भू-अर्जन- 2010-प्र. क्र. 09- अ-82-2009-10.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को , इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है:-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला
ग्राम
तहसील
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(3) मोरानी
(4) 19.281 (2) राजपुर
(1) बड़वानी
सार्वजनिक प्रयोजन कावर्णन
धारा 4 की उपधारा (2) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(5) कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास सं. क्र. 12 , राजपुर, जिला बड़वानी ( म. प्र) .
(6) लोअर गोई परियोजना की मुख्य नहरके निर्माण एवं उससे संबंधित अन्यकार्यों हेतु.
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) , राजपुर एवं कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग क्रमांक 12 , राजपुर के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, एन. बी. एस. राजपूत , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
258
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1 कार्यालय , कलेक्टर, जिला खण्डवा, मध्यप्रदेश एवं पदेन सचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
खण्डवा, दिनांक 9 फरवरी 2010
भू-अर्जन. प्र. क्र. 07-अ-82-09-10.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, इसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन , इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है . राज्य शासन यह भी निर्देश देता है कि उक्त अधिनियम की धारा 5 ( क) के उपबंध उक्त भूमि के संबंध में लागू नहीं होंगे क्योंकि उसकी राय में उक्त अधिनियम की धारा 17 की उपधारा ( 1 ) तथा उपधारा (4 ) के उपबंध उसके संबंध में लागू होंगे :-
जिला तहसील
भूमि का वर्णन नगर/ग्राम
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में) (1)
(2) (3)
(4) खण्डवा
सरल्या
4.75 पुनासा
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6) कार्यपालन यंत्री , नर्मदा विकास संभाग, क्रमांक -25, नर्मदा नगर.
पुनासा उद्वहन सिंचाई योजना के अन्तर्गत वितरण पाईप लाईन हेतु.
(2 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , खण्डवा/कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग क्रमांक-25, नर्मदा नगर के कार्यालय में किया जा सकता है .
भू-अर्जन. प्र. क्र. 08-अ-82-09-10.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, इसके द्वारा , सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है. राज्य शासन यह भी निर्देश देता है कि उक्त अधिनियम की धारा 5 ( क ) के उपबंध उक्त भूमि के संबंध में लागू नहीं होंगे , क्योंकि उसकी राय में उक्त अधिनियम की धारा 17 की उपधारा ( 1 ) तथा उपधारा ( 4 ) के उपबंध उसके संबंध में लागू होंगे:-
भूमि का वर्णन
जिला तहसील नगर/ ग्रामलराक्षस क्षेत्रफल ( हेक्टर में) (2)
(3)
(4) (1)
खण्डवा
चिकटीखाल
1.11 पुनासा
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन कावर्णन धारा 4 की उपधारा (2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6) कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग, क्रमांक-25, नर्मदा नगर.
पुनासा उद्वहन सिंचाई योजना केअन्तर्गत वितरण पाईप लाईन हेतु.
( 2 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी एवं भू- अर्जन अधिकारी , खण्डवा/कार्यपालन यंत्री नर्मदा विकास संभाग क्रमांक-25 , नर्मदा नगर के कार्यालय में किया जा सकता है.
भाग 1 ]
259 मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
भू-अर्जन. प्र. क्र. 09-अ-82-09-10.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, इसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है. राज्य शासन यह भी निर्देश देता है कि उक्त अधिनियम की धारा 5 ( क) के उपबंध उक्त भूमि के संबंध में लागू नहीं होंगे क्योंकि उसकी राय में उक्त अधिनियम की धारा 17 की उपधारा ( 1 ) तथा उपधारा ( 4 ) के उपबंध उसके संबंध में लागू होंगे :-
अनुसूची
जिला तहसील
भूमि का वर्णन नगर/ग्राम
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(1) (2) (3)
(4)
(5)
(6) खण्डवा
तेल्यामाल
1.52
पुनासा
कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग , क्रमांक-25, नर्मदा नगर.
पुनासा उद्वहन सिंचाई योजना के अन्तर्गत वितरण पाईप लाईन हेतु.
(2 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , अनुविभागीय अधिकारी एवं भू- अर्जन अधिकारी , खण्डवा/कार्यपालन यंत्री नर्मदा विकास संभाग क्रमांक-25, नर्मदा नगर के कार्यालय में किया जा सकता है.
भू-अर्जन. प्र. क्र. 10-अ-82-09-10. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, सभी संबंधित इसके द्वारा व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्तं धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है . राज्य शासन यह भी निर्देश देता है कि उक्त अधिनियम की धारा 5 ( क ) के उपबंध उक्त भूमि के संबंध में लागू नहीं होंगे क्योंकि उसकी राय में उक्त अधिनियम की धारा 17 की उपधारा ( 1 ) तथा उपधारा ( 4 ) के उपबंध उसके संबंध में लागू होंगे :-
अनुसूची
तहसील
जिला
भूमिका वर्णन नगर/ग्राम
सार्वजनिक प्रयोजन कावर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(2)
(1)
(4)
(3)
(5)
(6) खण्डवा
रीछी
2.15
पुनासा
कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग , क्रमांक-25 , नर्मदा नगर.
पुनासा उद्वहन सिंचाई योजना के अन्तर्गत वितरण पाईप लाईन हेतु.
(2 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी, खण्डवा/कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग क्रमांक -25 , नर्मदा नगर के कार्यालय में किया जा सकता है.
खण्डवा , दिनांक 11 फरवरी 2010
भू-अर्जन. प्र . क्र. 11-अ-82-09-10.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने 260
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1 संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, इसके द्वारा , सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारियों को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
भूमि का वर्णन
जिला तहसील नगर/ग्राम लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(3)
(1) (2)
(4) खण्डवा
193.14 पुनासा कोड़ियाखेड़ा
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6) कार्यपालन अभियंता ( सिविल ) सर्वेक्षण एवं अन्वेषण संभाग, म.प्र.पा. जन.कं.लि. , महलगांव, ग्वालियर.
श्री दादाजी धुनीवाले खण्डवा पावर लिमिटेड, जिला खण्डवा के 2× 800 मेगावॉट विद्युतगृह के निर्माण हेतु.
( 2) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , खण्डवा/कार्यपालन अभियंता ( सिविल ) सर्वेक्षण एवं अन्वेषण संभाग , म.प्र.पा.जन. कं.लि. , महलगांव, ग्वालियर के कार्यालय में किया जा सकता है .
भू-अर्जन. प्र. क्र. 12 -अ-82-09-10.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, इसके द्वारा , सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारियों को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
भूमिका वर्णन
जिला तहसील नगर/ग्राम लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में) (2)
(1)
(3)
(4) खण्डवा
331.67 पुनासा गोराड़िया
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन कावर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6) कार्यपालन अभियंता ( सिविल ) सर्वेक्षण एवं अन्वेषण संभाग , म.प्र.पा. जन.कं.लि. , महलगांव , ग्वालियर.
श्री दादाजी धुनीवाले , खण्डवा पावर लिमिटेड, जिला खण्डवा के 2× 800 मेगावॉट विद्युतगृह के निर्माण हेतु.
(2 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , खण्डवा/कार्यपालन अभियंता ( सिविल ) सर्वेक्षण एवं अन्वेषण संभाग, म.प्र.पा.जन.कं.लि. , महलगांव, ग्वालियर के कार्यालय में किया जा सकता है.
भू-अर्जन. प्र. क्र. 13-अ-82-09-10.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, इसके द्वारा, 'सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारियों को भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
261 उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील नगर/ग्राम
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(1) (2)
(3)
(4)
(5)
(6) खण्डवा
सोमगांव
37.01
पुनासा
कार्यपालन अभियंता ( सिविल ) सर्वेक्षण एवं अन्वेषण संभाग , म.प्र.पा. जन.कं.लि. , महलगांव , ग्वालियर.
श्री दादाजी धुनीवाले खण्डवा पावर लिमिटेड, जिला खण्डवा के 2× 800 मेगावॉट विद्युत गृह के निर्माण हेतु.
( 2 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी, खण्डवा/कार्यपालन अभियंता ( सिविल ) सर्वेक्षण एवं अन्वेषण संभाग , म.प्र.पा.जन. कं. लि. , महलगांव, ग्वालियर के कार्यालय में किया जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, एस. बी. सिंह , कलेक्टर एवं पदेन सचिव.
कार्यालय, कलेक्टर, जिला डिण्डौरी, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
डिण्डौरी , दिनांक 11 फरवरी 2010
क्र. भू-अर्जन-2 ( अ-82 ) 2009-10-21 .-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (5 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है.अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा (2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत किया जाता है:-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला
नगर/ग्राम सर्वे नम्बर
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
तहसील/ तालुक
भू-अर्जन हेतु
प्रस्तावित रकबा
(हेक्टेयर में )
(3)
(4)
(5)
(7) 472 में से
0.40
(2) शहपुरा
(1) डिण्डौरी
सुखलौड़ी
प.ह.नं. 77 475/1 में से
0.05
(6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग , डिण्डौरी.
दनदना जलाशय के नहर निर्माण हेतु भू-अर्जन.
476 में से
0.04
477 में से
0.30
478 में से
0.23
479 में से
0.12
370 में से
0.36
0.13
439 में से
20
0.20
442 में से
482 में से
0.18 262
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1 (2)
(5)
(7) (1)
(3)
(6)
(4)
0.05
592में से
438 में से
0.26
486 में से
0.08
441 में से
0.01
443में से
0.13
0.05
444में से
366 में से
0.11
440 में से
0.01
445 में से
0.02
437 में से
0.09
435में से
0.10
0.06
393में से
0.37
579/1 में से
0.12
392में से
367 में से
0.23
368 में से
0.04
365 में से
0.09
635 में से
0.01
0.15
300 में से
0.47
264 में से
265 में से
0.03
266 में से
0.03
267 में से
0.15
279 में से
0.16
590में से
0.37
588 में से
0.24
0.01
280में से
277 में से
0.19
518में से
0.07
276 में से
0.10
275 में से
0.04
0.26
253/1 में से
253/2में से
0.07
0.27
514 में से
517 में से
0.31
574/1 में से
0.43
571/1 में से
1.10
योग .. 8.29
299, 474, 512, में से
शासकीय भूमि
634/1 , 288 , 278 , 297 ,
301 , 269 , 364, 296 ,
363 , 487 , 513 , 573 ,
591 , 305, 356 , 403
कुल योग
12.95
भूमि का नक्शा भू-अर्जन अधिकारी , कार्यालय, कलेक्टर, डिण्डौरी में देखा जा सकता है.
भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
263 क्र. भू-अर्जन-2 ( अ-82 ) 2009-10-22.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (5) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत किया जाता है:-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील/ नगर/ग्राम सर्वे नम्बर
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
तालुक
भू-अर्जन हेतु
प्रस्तावित रकबा
(हेक्टेयर में )
(2)
(4)
(5)
(3) पारापानी 47 में से
0.70
(1) डिण्डौरी शहपुरा
प.ह.नं. 60 90में से
0.18
(6) कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग, डिण्डौरी.
(7) दनदना जलाशय के नहर निर्माण हेतु भू-अर्जन. 62में से
0.11
104में से
0.09
63 में से
0.03
61 में से
0.07
236 में से
0.03
60 में से
0.02
64में से
0.02
235में से
0.03
59में से
0.04
27 में से
0.26
76 में से
0.15
80में से
0.07
75 में से
0.10
74में से
0.11
81 में से
0.01
82 में से
0.03
0.23
106 में से
226 में से
0,20
87 में से
0.20
88में से
0.06
92में से
0.11
89 में से
0.25
26 में से
0.25
242 में से
0.17
237 में से
0.56
230 में से
0.06
229 में से
0.01
228 में से
0.08
225 में से
0.08
योग 4.26
भूमि का नक्शा भू-अर्जन अधिकारी /कलेक्टर, कार्यालय डिण्डौरी में देखा जा सकता है .
264
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
क्र. भू-अर्जन-2 ( अ -82 ) 2009-10-23.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने (6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत किया जाता हैः-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
नगर/ग्राम सर्वे नम्बर
जिला तहसील/ तालुक
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
भू-अर्जन हेतु
प्रस्तावित रकबा
(हेक्टेयर में )
(2)
(5)
0.15 (1) डिण्डौरी शहपुरा
(4) 3 में से 5 में से
(3) भलवारा प.ह.नं. 83
0.44
18में से
0.30
0.18
19में से
26/1 में से
0.40
28में से
0.49
0.10
35में से
26/2में से
2.00
30में से
0.15
0.08
31 में से
32/1 में से
0.08
0.08
32/2में से
(6) कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग, डिण्डौरी.
(7) भलवारा जलाशय शीर्ष एवं नहर कार्य हेतु.
योग
4.45
भूमि का नक्शा भू-अर्जन अधिकारी कार्यालय कलेक्टर, डिण्डौरी में देखा जा सकता है.
क्र. भू-अर्जन-2 ( अ-82 ) 2009-10-24.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (5) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत किया जाता है :-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
नगर/ग्राम सर्वे नम्बर
जिला तहसील/ तालुक
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
भू- अर्जन हेतु
प्रस्तावित रकबा
(हेक्टेयर में)
(1) डिण्डौरी
(2) शहपुरा
(3) खम्हरिया प.ह.नं. 77
(5) 0.06 0.15 0.22 0.08
(4) 31 में से 30/3 में से 61/1 में से 58/2में से
(6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग, डिण्डौरी .
(7) दनदना जलाशय के नहर निर्माण हेतु भू-अर्जन.
भाग 1 ]
265
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
(1) (2) (3)
(5)
(4)
(6)
(7)
0.10
58/1 में से
36/2 में से
0.07
35/2 में से
0.09
35/1 में से
0.17
36/1 में से
0.12
62 में से
0.11
59 में से
0.25
69 में से
0.08
4/2 में से
0.07
29 में से
0.30
34/1 में से
0.20
30/1 में से
0.10
30/2 में से
0.14
4/1 में से
0.18
60 में से
0.31
63 में से
0.50
योग
3.30
शासकीय भूमि
0.45 3.75 3,65,79,64 में से कुल योग .
भूमि का नक्शा भू-अर्जन अधिकारी, कार्यालय , कलेक्टर, डिण्डौरी में देखा सकता है .
क्र. भू- अर्जन-2 ( अ-82 ) 2009-10-25.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत किया जाता है :-
अनुसूची
भूमि का वर्णन नगर/ग्राम
जिला
सर्वे नम्बर
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा (2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
तहसील/ तालुक
भू-अर्जन हेतु
प्रस्तावित रकबा
(हेक्टेयर में)
(2)
(3)
(1)
(4)
(5)
(7) डिण्डौरी डिण्डौरी
331 में से
0.32
बगली प.ह.नं. 73 326/2 में से
0.03
(6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग, डिण्डौरी.
दनदना जलाशय के नहर निर्माण हेतु भू-अर्जन .
326/3 में से
0.04
333 में से
0.33
296 में से
0.25
295 में से
0.22
0.16
292/1 में से 266
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[ भाग 1 (1) (2) (3)
(4)
(5)
(6)
(7) 292/2 में से
0.11
292/3 में से
0.15
287 में से
0.21
181/1 में से
0.08
181/2में से
0.02
181/3 में से
0.02
181/4 में से
0.10
181/5 में से
0.10
181/6 में से
0.02
195/1 में से
0.17
185/2में से
0.10
196/1 में से
0.24
253/2में से
0.35
200 में से
0.33
215/1 में से
0.21
215/2में से
0.21
3.77
योग .
भूमि का नक्शा भू-अर्जन अधिकारी, कार्यालय, कलेक्टर, डिण्डौरी में देखा जा सकता है .
क्र. भू- अर्जन-2 ( अ -82 ) 2009-10-26.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 5) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत किया जाता है:-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील/ नगर/ग्राम सर्वे नम्बर
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा (2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
तालुक
भू-अर्जन हेतु
प्रस्तावित रकबा
(हेक्टेयर में)
(1) (2) (3)
(4)
(5)
डिण्डौरी डिण्डौरी खजरवारा 480 में से
0.60
प.ह.नं. 75 481 में से
0.05
(6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग, डिण्डौरी.
(7) दनदना जलाशय के नहर निर्माण हेतु भू-अर्जन.
482 में से
0.60
483 में से
0.05
493/1 में से
0.10
493/3 में से
0.02
493/2में से
0.03
493/4 में से
0.10
492 में से
0.09
491 में से
0.10
490 में से
0.05
373 में से
0.17 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
267 (1) (2) (3)
(4)
(5)
16)
( 7) 371/1 में से
0.20
371/2में से
0.11
365 में से
0.20
363 में से
0.18
136/1 में से
0.31
338/1 में से
0.02
338/2में से
0.06
334/2में से
0.05
335/1 में से
0.04
335/2में से
0.04
336/3-4 में से 0.06
205 में से
0.25
336/9 में से
0.04
336/7 में से
0.02
217 में से
0.25
214 में से
0.40
136/2में से
0.06
131 में से
0.16
129 में से
0.21
128 में से
0.55
241 में से
0.02
125/1 में से
0.05
125/3में, से
0.19
127/3 में से
0.10
126 में से
0.35
104/2में से
0.04
105 में से
0.17
89 में से
0.17
90/1 में से
0.07
90/2में से
0.08
90/3 में से
0.16
125/2में से
0.10
योग . 6.62
1.43
शासकीये भूमि 481 , 496 , 494 में से
0.60
सामान्य वन भूमि 134 में से
योग .. 8.65
भूमि का नक्शा भू-अर्जन अधिकारी , कार्यालय, कलेक्टर , डिण्डौरी में देखा जा सकता है.
क्र. भू- अर्जन 2 ( अ -82 ) 2009-10-27.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी 268
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1 संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत किया जाता है:-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
नगर/ग्राम
जिला
सर्वे नम्बर
तहसील/ तालुक
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
भू-अर्जन हेतु
प्रस्तावित रकबा
(हेक्टेयर में)
(1) (2) (3)
(4)
(5)
राखी 98/1 में से
0.10 शहपुरा
डिण्डौरी
99 में से
प.ह.नं. 77
0.26
110/1 में से
0.04
106 में से
0.04
109 में से
0.43
107 में से
0.09
167 में से
0.14
168 में से
0.05
169 में से
0.25
170 में से
0.33
योग 1.73 (6)
(7) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग , डिण्डौरी.
दनदना जलाशय के नहर निर्माण हेतु भू-अर्जन.
भूमिःका नक्शा भू-अर्जन अधिकारी , कार्यालय कलेक्टर, डिण्डौरी में देखा जा सकता है.
क्र. भू-अर्जन-2 ( अ-82 ) 2009-10-28.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने (7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने (6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत किया जाता है:-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
नगर/ग्राम
जिला
सर्वे नम्बर
तहसील/ तालुक
(1) (2) (3)
(4)
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
भू-अर्जन हेतु
प्रस्तावित रकबा
(हेक्टेयर में)
(5)
189/1 में से
डिण्डौरी डिण्डौरी कठौतिया
0.26 प.ह.नं. 74 189/2में से
0.13
189/3 में से
0.09
189/4 में से
0.14
189/5 में से
0.07
191 में से
0.14
225 में से
0.37 (6)
(7) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग, डिण्डौरी.
दनदना जलाशय के नहर निर्माण हेतु भू-अर्जन .
भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
269 (1) (2) (3)
(4)
(5)
(6)
(7) 224/2 में से
0.10
224/1 में से
0.23
222 में से
0.38
212 में से
0.65
213 में से
0.08
214/2में से
0.01
274 में से
0.53
284 में से
0.54
292में से
0.49
293 में से
0.45
296 में से
0.10
799 में से
0.15
835 में से
0.12
818 में से
0.52
821 में से
0.13
829 में से
0.24
830 में से
0.26
838 में से
0.03
834 में से
0.12
836 में से
0.09
851 में से
0.01
852में से
0.06
853 में से
0.07
875 में से
0.11
976 में से
0.10
977/1 में से
0.05
977/2 में से
0.05
977/3 में से
0.05
977/4 में से
0.05
977/5 में से
0.05
984/1 में से
0.05
984/2में से
0.44
962में से
0.21
964 में से
0.23
योग . 7.95
भूमि का नक्शा भू-अर्जन अधिकारी , कार्यालय , कलेक्टर डिण्डौरी में देखा जा सकता है .
क्र. भू-अर्जन-2 ( अ-82) 2009-10-29.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (5) में वर्णित भूमि की, अनुसूचीं के खाने (7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी 270
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
[ भाग 1 संबंधित व्यक्तियों को इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है:-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
नगर/ग्राम सर्वे नम्बर
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारो
जिला तहसील/ तालुक
भू-अर्जन हेतु
प्रस्तावित रकबा
(हेक्टेयर में)
(2) (3)
(1)
(4)
(6)
(5)
(7) 298/3 में से
0.05
सुड़गांव रे.
डिण्डौरी शहपुरा
101/60 298/4 में से
0.05
कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग , डिण्डौरी.
दनदना जलाशय के नहर निर्माण हेतु भू-अर्जन.
0.05
298/1 में से
0.05
298/2में से
299 में से
0.08
300/3 में से
0.06
300/2 में से
0.04
300/1 में से
0.03
301 में से
0.06
302 में से
0.16
309/2में से
0.06
309/1 में से
0.05
310 में से
0.10
312 में से
0.12
0.33
315 में से
320/8 में से
0.26
320/5 में से
0.29
320/2में से
0.61
320/7 में से
0.03
321 में से
0.08
322/5 में से
0.12
325/2में से
0.02
325/1 में से
0.01
322/4 में से
0.28
262 में से
0.15
261 में से
0.07
260/2में से
0.30
238 में से
0.19
326 में से
1.19
317 में से
.0.08
307 में से
0.16
303 में से
0.25
277/1 में से
0.06
योग 5.44
भूमि का नक्शा भू-अर्जन अधिकारी / कलेक्टर कार्यालय, डिण्डौरी में देखा जा सकता है.
भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
271 क्र. भू- अर्जन- 2- अ- 82-2009-10-30. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील/ नगर/ग्राम सर्वे नम्बर
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
तालुक
भू-अर्जन हेतु
प्रस्तावित रकबा
(हेक्टेयर में)
(1) (2) (3)
(4)
(5)
(6)
(7) में से
97
शहपुरा
डिण्डौरी
0.24
96
गुझियारी प.ह.नं. 85
में से
0.03
कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग, डिण्डौरी.
दनदना जलाशय के नहर निर्माण हेतु भू-अर्जन. 98/4 में से
0.38
98/1 में से
0.15
98/2में से
0.07
107 में से
0.70
132 में से
0.96
133 में से
0.03
137 में से
0.03
135/3 में से
0.32
188 में से
0.01
136 में से
0.05
140 में से
0.28
योग . 3.25
शासकीय भूमि
0.91
106,191,105 में से
139, 190, 189, 192
कुल योग 4.16
भूमि का नक्शा भू-अर्जन अधिकारी , कार्यालय, कलेक्टर, डिण्डौरी में देखा जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. चंद्रशेखर, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला ग्वालियर, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग ग्वालियर, दिनांक 16 फरवरी 2010
क्र. 01 - अ-82-2009-10- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, इसके द्वारा , 272
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
भूमि का वर्णन
तहसील नगर/ग्राम
जिला
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में) (1)
(3)
(4) (2)
डगरउ
ग्वालियर ग्वालियर
18.300
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अनुसार प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6) कार्यपालन यंत्री , हरसी उच्चस्तरीय नहर संभाग क्र. 2 , ग्वालियर.
हरसी उच्चस्तरीय नहर निर्माण हेतु ग्राम डगरउ की भूमि का अर्जन.
भूमि का नक्शा ( प्लान ) न्यायालय , भू-अर्जन अधिकारी , ग्वालियर के कार्यालय में देखा जा सकता है.
क्र. 02- अ- 82-2009-10- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, इसके द्वारा, सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
भूमि का वर्णन
जिला
ग्राम
तहसील
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में) (2) (3)
(4) (1)
7.38 ग्वालियर ग्वालियर कुई
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अनुसार प्राधिकृत अधिकारी
(6) (5)
कार्यपालन यंत्री, हरसी उच्चस्तरीय नहर संभाग क्र. 2, ग्वालियर.
हरसी उच्चस्तरीय नहर निर्माण हेतु ग्राम डगरउ की भूमि का अर्जन.
भूमि का नक्शा (प्लान ) न्यायालय, भू-अर्जन अधिकारी , ग्वालियर के कार्यालय में देखा जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, आकाश त्रिपाठी, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला धार , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
धार, दिनांक 16 फरवरी 2010
क्र. 1688 - भू-अर्जन- 2010.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त भाग 1 ]
273
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता हैं :-
जिला तहसील
भूमि का वर्णन ग्राम का नाम लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में ) (1) (2) (3)
(4) धार
रालामण्डल
मनावर
3.556
3.556
योग
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा (2) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6)
कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग, क्रमांक 1 , धार .
मण्डावती तालाब की उप नहर निर्माण अन्तर्गत डूब प्रभावित होने से.
(2 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , मनावर तथा कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग क्रमांक 1 , धार ( म.प्र. ) के कार्यालय में कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है .
क्र. 1693 - भू-अर्जन- 2010.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक , सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता हैं :-
अनुसूची
जिला तहसील
भूमि का वर्णन ग्राम का नाम लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में) (2)
(4) (1)
(3)
धार
मनावर बालीपुर खुर्द
1.301 1.301
योग
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6)
कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग , क्रमांक 1 , धार.
मण्डावती तालाब की उप नहर निर्माण अन्तर्गत डूब प्रभावित होने से.
(2) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , मनावर तथा कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्रमांक 1 , धार ( म.प्र. ) के कार्यालय में कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है.
क्र. 1698 - भू-अर्जन-2010.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक , सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता हैं :-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील ग्राम का नाम लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में) (1)
(2)
(3)
(4)
बंजारी
धार
मनावर
2.565 योग 2.565
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(6)
(5)
कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग, क्रमांक 1 , धार .
मण्डावती तालाब की उप नहर निर्माण अन्तर्गत डूब प्रभावित होने से.
(2 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी , मनावर तथा कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्रमांक 1 , धार ( म.प्र. ) के कार्यालय में कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है.
274
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1 क्र. 1703 - भू- अर्जन- 2010.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को सूचना दी जाती है. राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है:-
अनुसूची
जिला तहसील
भूमि का विवरण ग्राम का नाम
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन (1) (2) (3)
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में) (4)
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी (5)
(6)
मनावर
धार
उटावद
योग ..
3.991 3.991
कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग , क्रमांक 1 , धार.
मण्डावती तालाब की उपनहर निर्माण अन्तर्गत डूब प्रभावित होने से.
(2) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी, मनावर तथा कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग क्रमांक 1 , धार ( म.प्र. ) के कार्यालय में कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एम. शर्मा, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय, कलेक्टर, जिला झाबुआ, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
झाबुआ, दिनांक 16 फरवरी 2010
क्र.298 - भू- अर्जन-2009 - रा.प्र.क्र.. अ-82-09-10.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने (1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने (6 ) में उल्लेखित किये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, सभी संबंधित व्यक्तियों को, इसके द्वारा , इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है:-
अनुसूची
जिला तहसील
भूमिका वर्णन ग्राम
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(1) (2)
(3)
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में) (4)
(5)
(6)
पेटलावद
झाबुआ
कुंभाखेड़ी 0.23 निजी भूमि 2.08 शासकीय भूमि
कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग , क्र. 1 , झाबुआ.
तम्बोलिया तालाब के स्पील निर्माण हेतु.
योग .. 2.31
(2 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , पेटलावद के कार्यालय में देखा जा सकता है .
भाग 1 ]
275
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
क्र. 302- भू-अर्जन- 2009- रा.प्र.क्र.अ-82-09-10.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उल्लेखित किये गये सार्वजनिक प्रयोजनों के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, सभी संबंधित व्यक्तियों को, इसके द्वारा , इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है:-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
तहसील
जिला
ग्राम
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में) (1) (2)
(3)
(4) पेटलावद
झाबुआ
कुम्भाखेड़ी 5.06निजी भूमि 1.59 शासकीय भूमि योग . 6.65
सार्वजनिक प्रयोजन कावर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6)
कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग, क्र. 1 , झाबुआ.
तंबोलिया तालाब के नहर निर्माण हेतु.
भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , पेटलावद के कार्यालय में देखा जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, जगदीश शर्मा, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय, प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, जिला रीवा, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग
रीवा, दिनांक 16 फरवरी 2010
क्र. 69 - भू-अर्जन- 06-07.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4 ) में अर्जित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने के अनुसार इसके द्वारा संबंधित व्यक्तियों को इसके द्वारा , इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है . राज्य शासन यह भी निर्देश देता है कि उक्त अधिनियम की धारा 5 -अ के उपबंध उक्त भूमि के संबंध में लागू नहीं होंगे , क्योंकि की उसकी राय में उक्त अधिनियम की धारा 17 की उपधारा ( 1 ) के उपबंध उसके संबंध में लागू होते हैं :-
अनुसूची
तहसील
जिला
भूमि का वर्णन नगर/ग्राम लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(3)
(2 )
(1)
(4) सतना
बड़ेरा
रघुराजनगर
0.233 योग .. 0.233
सार्वजनिक प्रयोजन कावर्णन
धारा 4 की उपधारा (2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6)
कार्यपालन यंत्री, बाणसागर वितरिका सानहर संभाग रीवा (म.प्र. ) .
बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत आने वाली पुरवा नहर की बड़ेरा माइनर में आने वाली भूमि के लिए भूमि तथा उस पर स्थित संपत्तियों का अर्जन.
भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. बी. श्रीवास्तव , प्रशासक एवं पदेन उपसचिव .
276
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1 कार्यालय , कलेक्टर , जिला हरदा, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
हरदा , दिनांक 17 फरवरी 2010
क्र. 1965 - भू-अर्जन- 2009-2010.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि निम्नानुसार कालम ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार इसके द्वारा, सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता हैं :-
भूमि का विवरण
जिला तहसील
ग्राम
लगभग क्षेत्रफल (एकड़ में) (1) (2) (3)
(4) टिमरनी टिमरनी
हरदा
1.21
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6)
भू-अर्जन अधिकारी , हरदा
टिमरनी में रेलवे अंडरब्रिज बायपास मार्ग निर्माण हेतु.
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) आदि अपर कलेक्टर/ भू- अर्जन अधिकारी हरदा/कार्यपालन यंत्री , लो.नि.वि. हरदा/अनुविभागीय अधिकारी , हरदा के कार्यालय में देखा जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, रेनु पंत, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला रायसेन मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
रायसेन, दिनांक 18 फरवरी 2010
प्र. क्र. 3 - अ-82-09-10.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 6 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 8 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 7 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला
नगर/ग्राम खसरा न. कुल रकबा तहसील/ तालुका
(1) (2) (3) (4) (5) रायसेन उदयपुरा केवलारी 138 139/2 141/2
11.98 3.31 3.85
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित किये जाने वाला रकबा (एकड़ में)
(6)
(7)
(8) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन केवलारी जलाशय विभाग, रायसेन.
0.37 0.02 0.36
की दाईंनहर एवं टेल माईनर...
भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
277 (1) (2) (3) (4) (5)
(6)
(8)
(7)
133/1/1
2.03
0.12
130
3.08
0.47
127
2.18
0.27
2.00
छींद
0.57
100/1/1
100/1/2
3.00
0.26
105
3.18
0.16
107/1
2.78
0.11
107/2
2.77
0.20
234
11.49
0.46
233
3.88
0.08
204/1/2
4.70
0.30
203
2.31
0.03
196/1/1
2.39
0.07
1.00
196/1/2
0.08
2.00
196/2/2
0.16
174/2
1.35
0.24
138
7.94
0.06
264/2/1
2.00
0.08
1.00
264/1
0.10
195/1
0.50
0.06
195/2
0.49
0.06
176
0.57
0.16
137
8.90
1.00
133
12.56
0.28
264/2/2
8.65
0.96
265
9.99
0.34
159/1
9.10
0.22
इमझिरी
159/2
0.22
9.09
3.00
161/1
0.30
162/1/2
0.92
0.30
163/1
10.26
0.20
193/2
10.00
0.30
193/1/1
3.00
0.28
194/1
5.00
0.33
194/3
2.60
0.10
198
10.00
0.14
199
4.33
0.32
201/2/2
1.00
0.09 278
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
(3)
(1) ( 2)
(4)
(5)
201/2/1/2 1.00
इमझिरी
201/3
5.00
5.00
201/4
20.43
207
210
3.18
3.18
211
2.00
212/1/1
212/2
3.18
3.72
216/1
216/2/1
2.00
216/2/2
1.00
132/1/1/1 2.00
बिलगवा
132/1/1/1/ 2.41
132/1/1/1/1 1.00
1/2
132/1/1/2 1.00
0.50
132/1/1/1/
0.50
2/132/2
103/1/1/1 2.50
किरगीकलां
103/1/1/2 2.50
5.30
103/1/2
5.00
103/2
2.50
104/1/1
105
106/1
5.00
107/1
10.37
110/1/3/1 2.00
110/1/2/1/1 5.70
110/3/2
1.61
11.00
114/1
2.00
114/3
14.00
116
117/2
5.32
7.94
119
150
90.41
18.04
225
(7)
(8) (6)
0.23
0.17
0.12
0.50
0.11
0.11
0.12
0.11
0.51
0.22
0.11
0.15.
0.13
0.07
0.05
0.03
0.07
0.13
0.14
0.26
0.20
0.19
0.02
0.22
0.13
0.14
0.15
0.15
0.59
0.03
0.02
0.06
0.43
1.24
0.19 भाग 1]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
279 (2)
(1)
(3) (4)
(5)
(6)
(7)
( 8 ) 230/2
5.36
0.35
230/3
5.36
0.20
230/4
5.36
0.21
232
30.19
0.48
सतेहरी 117/1
15.40
0.37
18.94
कुल योग
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- केवलारी जलाशय की दायीं नहर एवं माईनर टेल हेतु भू- अर्जन.
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय , बरेली ( राजस्व ) के कार्यालय में देखा जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, सुनीता त्रिपाठी, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय, कलेक्टर , जिला ग्वालियर, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग ग्वालियर, दिनांक 23 फरवरी 2010
क्र. 10- अ- 82-2009-10- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार इसके द्वारा , सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन , इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता हैं. राज्य शासन यह भी निर्देश देता है कि उक्त अधिनियम की धारा 5 ( क ) के उपबंध उक्त भूमि के संबंध में लागू नहीं होंगे क्योंकि उसकी राय में उक्त अधिनियम की धारा 17 की उपधारा ( 1 ) के उपबंध तथा धारा 17 (4 ) इस प्रकरण में लागू किये गये हैं तथा इस प्रयोजन के लिए अधिकृत किया जाता है:-
अनुसूची
भूमि का विवरण
सार्वजनिक प्रयोजन जिला तहसील
ग्राम
का वर्णन
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)
धारा 4 की उपधारा (2 ) . के अनुसार द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(1)
(3)
(4)
(5)
(6)
ग्वालियर
(2) ग्वालियर
2 बीघा 4 बिसवा
महलगांव प.ह.नं. 42
यानी 0.460
जिला संयोजक, आदिम जाति कल्याण विभाग , ग्वालियर.
अनु. जाति. , जनजाति कन्याओं को शिक्षा एवं निवास की सहायता उपलब्ध कराना.
भूमि का नक्शा ( प्लान ) न्यायालय , भू-अर्जन अधिकारी , ग्वालियर के कार्यालय में देखा जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, आकाश त्रिपाठी, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
280
कार्यालय, कलेक्टर, जिला मण्डला, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग मण्डला, दिनांक 28 जनवरी 2010
क्र./भू- अर्जन -09 ( अ -82 ) 2001-02.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा, यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- मण्डला
(ख) तहसील- बिछिया
(ग) ग्राम- घुटास, प.ह.नं. 36
(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.52 हेक्टेयर.
खसरा नम्बर
रकबा (हेक्टर में)
(1)
(2) 0.52
230
कुल रकबा 0.52
(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- हाईस्कूल/छात्रावास भवन हेतु.
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण, कलेक्टर मण्डला के कार्यालय में किया जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, के. के. खरे, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला सीहोर, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग सीहोर, दिनांक 29 जनवरी 2010
प्र.क्र. - 2 - अ - 82-09-10.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
(1 ) भूमि कावर्णन-
(क) जिला- सीहोर
(ख) तहसील- बुदनी
(ग ) नगर/ ग्राम-अकोला
(घ) लगभग क्षेत्रफल-13.436 हेक्टेयर .
रकबा
खसरा
नम्बर
(हेक्टर में)
(2)
(1)
0.520
501/1 , 546/501/2 में से
0.550
501/1 , 546/501 /1 में से
0.190
495/1 में से
0.030
495/2 में से
0.280
496/1 में से
0.150
496/2 में से
0.152
490, 491/1
0.450
488, 541/488/2
0.315
480/1
0.203
480/2
0.445
480/4
0.051
477/1
0.153
477/2
0.057
477/3
0.255
477/4
477/5
0.030
0.227
103
0.243
98
0.546
104
0.437
128/2
0.089
128/1
0.142
136
0.146
137
0.486
132, 133 , 134/1
0.060
132, 133 , 134/2
0.332
84, 85/2
0.502
87, 528/87/1
0.121
89
0.405
90
0.405
100/3
100/2
0.149
100/4
0.234
0.226
100/1
0.266
102
0.728
292
0.008
293
0.194
294/1
0.172
294/2
0.128
496/3
0.194
481/1 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
(1)
(2)
481/3
0.493
479
0.032
106/2
0.113
482
0.012
481/4
0.044
486/3
0.012
294/5
0.028
294/3
0.112
285, 287/1
0.567
0.296
285 , 287/2
285, 287/3
0.331
283
0.283
281
0.583
83
0.259
योग : 13.436
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है - बनेटा मध्यम उद्वहन सिंचाई योजना की मुख्य नहर के निर्माण हेतु निजी भूमि का अर्जन.
( 3 ) भूमि के नक्शे का निरीक्षण , भू-अर्जन अधिकारी , बुदनी के कार्यालय में किया जा सकता है.
प्र.क्र. 3/अ-82-09-10.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1) भूमि का वर्णन-
(क) जिला-सीहोर
(ख ) तहसील- बुदनी
(ग) नगर/ग्राम-- उकई
(घ) लगभग क्षेत्रफल- 8.652 हेक्टेयर.
खसरा
रकबा
नम्बर
(हेक्टर में)
(1)
(2)
107/4
0.486
110/1
0.275
281 (1)
(2)
109
0.453
108
0.227
107/1
0.445
0.021
106, 128/1
0.656
106, 128/2
0.801
96, 129
93
0.234
0.081
95
94
0.570
0.275
77, 198/77/4
77, 198/77/5
0.291
77/6
0.089
0.154
78/2
0.032
0.287
82, 83/2
0.012
82, 83/3
114
0.011
85
0.105
86
0.259
87
0.024
0.024
159
160
0.125
161
0.109
162/1
0.041
163/1
0.057
44/1
0.745
44/2
0.056
0.032
184, 43/2
0.445
184, 43/1
43
0.923
42/3
0.206
77/3
0.012
192/155
0.089
114
0.011
योग : 8.652
(2) सार्वजनिक प्रयोजनं जिसके लिए आवश्यकता है- बनेटा मध्यम उद्वहन सिंचाई योजना की मुख्य नहर के निर्माण हेतु निजी भूमि का अर्जन.
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , भू-अर्जन अधिकारी, बुदनी के कार्यालय में किया जा सकता है.
282
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला-सीहोर
(ख) तहसील- बुदनी
(ग) नगर/ग्राम- सईदगंज
(घ) लगभग क्षेत्रफल-1.170 हेक्टेयर.
प्र.क्र. 4- अ-82-09-10 . चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
खसरा
(1 ) भूमि का वर्णन-
रकबा (हेक्टर में ) (क) जिला-सीहोर
नम्बर (1)
(2)
(ख) तहसील- बुदनी
200/201/202/203/204/4 ( में से ) 1.170
(ग) नगर/ग्राम- पनारी
योग : 1.170
(घ) लगभग क्षेत्रफल-4.929 हेक्टेयर.
खसरा नम्बर
रकबा (हेक्टर में )
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है - बनेटा मध्यम उद्वहन सिंचाई योजना की मुख्य नहर के निर्माण हेतु निजी भूमि का अर्जन.
(1)
(2)
2
0.081
0.072
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , भू-अर्जन अधिकारी , बुदनी के कार्यालय में किया जा सकता है. 3, 4/1
3, 4/2
0.809
5/3
0.275
5/2
0.364
5/1
0.307
210/73
0.008
71
0.322
0.708
65, 209/65/2
प्र.क्र. 5/अ-82-09-10. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा, यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
209/63/1
0.024
अनुसूची
63
0.262
(1 ) भूमि कावर्णन-
67/1
0.194
67/2
0.012
(क) जिला-सीहोर
66/1
0.445
(ख) तहसील- बुदनी
202/60
0.205
(ग ) नगर/ग्राम- मकोडया
123
(घ) लगभग क्षेत्रफल-4.948 हेक्टेयर.
0.113
130
0.728
योग : 4.929
खसरा नम्बर
रकबा (हेक्टर में)
(1)
(2)
68/1
0.714
65
1.097
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बनेटा मध्यम उद्वहन सिंचाई योजना की मुख्य नहर के निर्माण हेतु निजी भूमि का अर्जन.
69
0.837
60
0.166
(3) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , भू-अर्जन अधिकारी, बुदनी के कार्यालय में किया जा सकता है .
61
0.190
68/7
0.170
68/8
0.235
63
0.413
68/5
0.283
68/6
0.161
70/3
0.650
68/4
0.032
प्र.क्र. 4/अ-82-09-10.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत , इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
योग : 4.948 भाग 1 ]
283
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है - बनेटा मध्यम उद्वहन सिंचाई योजना की मुख्य नहर के निर्माण हेतु निजी भूमि काअर्जन.
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण, भू-अर्जन अधिकारी , बुदनी के कार्यालय में किया जा सकता है .
प्र.क्र. 6/अ-82-09-10. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- सीहोर
(ख ) तहसील- बुदनी
(ग) नगर/ग्राम-जैत
(घ) लगभग क्षेत्रफल-10.55 एकड़, 4.270 हेक्टेयर.
खसरा नम्बर
(1)
रकबा (में से) (एकड़ में) (2)
(हेक्टर में ) (3) 25,28/11/4
0.34
0.138.
0.235
0.58
14, 26/1
15/3
0.16
0.065 16/1
0.72
0.291 13
0.32
0.130
0.25
0.101
0.24
0.097
0.09
0.036 224,225,236,244,245/10 224,225,236,244,245/6 224,225,236,244,245/7
221,223/ 1
0.04
0.016 217/1
0.16
0.065
0.13
0.053 218,219,220,222,258/1
0.27
215/1
0.109 213/8
0.08
0.032 213/9
0.08
0.032 213/10
0.08
0.032
0.06
213/11
0.024
0.202 213/7
0.50
306/4
1.20
0.486 313
0.22
0.089 310/7
0.80
0.324 310/3/1
0.20
0.081 311
0.40
0.162
0.35
310/6
0.142 310/2/2
0.40
0.162 317/3
2.88
1.166
10.55
4.270
योग:
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है-सरदारनगर उद् वहन सिंचाई योजना अंतर्गत राईजिंगमेन जेडवेल एवं डिस्ट्रीब्यूशन चेम्बर के निर्माण हेतु निजी भूमि का अर्जन.
(3) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , भू-अर्जन अधिकारी , बुदनी के कार्यालय में किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, संदीप यादव, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला छिंदवाड़ा मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग छिंदवाड़ा, दिनांक 01 फरवरी 2010
क्र./805 - भू- अर्जन- 2010.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गयी अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि के अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक सन् 1894 ) की धारा-6 के अंतर्गत, इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है. कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला-छिंदवाड़ा
(ख) तहसील- सौंसर
(ग) नगर/ग्राम-जोबनी , प. ह. नं.-01 ब. नं. -164 रा.नि.-सौसर
(घ ) अर्जित किये जाने वाला प्रस्तावित क्षेत्रफल 01.243 हेक्टयर एवं प्रस्तावित क्षेत्रफल पर आने वाली संपत्तियां.
प्रस्तावित
प्रस्तावित
खसरा
नम्बर
क्षेत्रफल ( हेक्टर में )
(1)
(2)
185/3
0.020
168/3
0.036
119/1
0.034
175/2
0.044
108
0.044
125/4
0.028
125/2
0.020
176
0.020
175/1
0.040
0.010
119/2 284
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
(1)
(2)
107/2
0.056
107/1
0.040
107/3
0.040
170
0.044
173
0.064
184
0.056
125/1
0.072
128/1
0.063
166/2
0.004
169/2
0.040
185/2
0.020
116
0.004
185/1
0.024
0.010
128/3
128/5
0.022
138/2
0.040
159
0.040
130/6
0.002
0.006
130/3
130/5
0.004
133
0.036
134
0.028
128/4
0.034
128/2
0.020
136
0.004
130/4
0.004
137/1
0.028
135
0.024
130/1
0.006
132/2
0.002
138/1
0.044
132/1
0.046
योग .. 01.243
(2) अर्जित की जाने वाली उल्लेखित भूमि के सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है:- कुण्डम रामपेठ जोबनी मार्ग निर्माण के लिये निजी कृषि भूमि का अर्जन.
(3) अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण कलेक्टर ( भू- अर्जन शाखा छिंदवाड़ा) , जिला छिन्दवाड़ा के न्यायालय में किया जा सकता है.
[भाग 1 (4) अर्जित की जाने वाली उल्लेखित भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण कार्यालय कार्यपालन यंत्री , लोक निर्माण विभाग ( भ. /स. ) संभाग , छिंदवाड़ा जिला छिंदवाड़ा में भी देखा जा सकता है.
(5 ) अर्जित की जाने वाली उल्लेखित भूमि का नक्शा ( प्लान ) कानिरीक्षण कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी, लोक निर्माण विभाग ( भ. /स. ) उप. संभाग , सौसर जिला- छिंदवाड़ा में भी देखा जा सकता है .
क्र./807 - भू-अर्जन- 2010.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गयी अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक सन् 1894 ) की धारा-6 के अंतर्गत, इसके द्वारा यह भी घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है : -
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णन-
(क ) जिला- छिंदवाड़ा
(ख) तहसील- जुन्नारदेव
(ग ) नगर/ग्राम- बिलावर कलॉ, प.ह.नं.- 23, ब.नं. - 392, रा. नि. मंडल- दमुआ
( घ) अर्जित किया जाने वाला प्रस्तावित क्षेत्रफल 19.355 हेक्टेयर एवं प्रस्तावित क्षेत्रफल पर आने वाली संपत्तियां.
प्रस्तावित खसरा नम्बर
प्रस्तावित क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(1)
(2)
77
0.212
98/1
0.560
78
0.543
101
0.096
104
0.375
106
0.002
79
0.620
293
0.053
98/2
0.607
98/3
0.200
98/4
0.080
98/5
0.100
102
0.002
103
0.106
107
0.030
525
0.025
114/1
0.067
114/2
0.071 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
(1)
(2) 114/3
0.090 114/4
0.045 123
0.518 124
0.324 125
0.267 127
0.530 185
0.051 126/1
0.384 126/2
0.385 128
0.777 210
0.058 131/1
0.882 131/2
0.182 132
0.985 134
0.098 136
1.360 294
0.019 135
0.410 295
0.024 526
0.075 138
0.427 140/1
0.025 140/2
0.070 140/3
0.060 230/4
0.024 143
0.230 153/1
1.190 153/2
0.794 153/4
1.198 155
0.154 157
0.785 163/1
0.042 163/2
0.038 163/3
0.038 164
0.038 165
0.038 166/2
0.021 166/1
0.034 179/1
0.067 179/2
0.039 179/3
0.053 236/3
0.014 181
0.072 235
0.020. 182
0.039 183
0.048
285 (1)
(2)
184
0.039
211
0.029
216
0.053
214
0.024
215
0.039
217
0.029
218
0.029
219/1
0.030
219/2
0.015
231
0.024
232
0.020
233
0.030
234
0.020
237
0.010
233
0.012
239
0.020
240
0.020
241/1
0.011
241/2
0.011
241/3
0.011
241/4
0.011
241/5
0.011
260
0.096
262
0.112
264
0.166
266/1
0.160
266/2
0.103
269
0.384
291/1
0.083
296/1
0.024
515/1
0.029
296/2
0.007
297
0.014
298
0.029
299
0.023
514/1
0.087
514/2
0.082
515/2
0.046
517
0.159
518
0.092
521
0.087
522
0.029
527
0.072
528/1
0.101
528/2
0.082
531/2
0.019
योग : 19.355
4 286
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
(2 ) अर्जित की जाने वाली उल्लेखित भूमि के सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है:- बिलावर कलॉ जलाशय के बांध एवं नहर निर्माण के लिये निजी कृषि भूमि का अर्जन.
(3 ) अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि का नक्शा(प्लान ) का निरीक्षण कलेक्टर ( भू-अर्जन शाखा छिंदवाड़ा) जिला छिन्दवाड़ा के न्यायालय में किया जा सकता है.
(4) अर्जित की जाने वाली उल्लेखित भूमि का नक्शा प्लान का निरीक्षण कार्यालय कार्यपालन यंत्री, कन्हरगांव परियोजना संभाग , छिंदवाड़ा जिला छिंदवाड़ा में भी देखा जा सकता है.
(5 ) अर्जित की जाने वाली उल्लेखित भूमि का नक्शा प्लान कानिरीक्षण कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी , कन्हरगांव परियोजना नहर उप संभाग क्रमांक-2, छिंदवाड़ा जिला- छिंदवाड़ा में भी देखा जा सकता है.
808 - भू- अर्जन-2010. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गयी अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि के अनुसूची पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक सन् 1894 ) की धारा-6 के अंतर्गत , इसके द्वारा यह भी घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला-छिंदवाड़ा
(ख ) तहसील- जुन्नारदेव
(ग) नगर/ग्राम-उमराडी, प.ह.नं. - 23 , ब.नं.26, रा.नि. मंडल-दमुआ.
(घ ) अर्जित किये जाने वाला प्रस्तावित क्षेत्रफल 06.727 हेक्टेयर एवं प्रस्तावित क्षेत्रफल पर आने वाली संपत्तियां.
प्रस्तावित क्षेत्रफल
प्रस्तावित खसरा
नम्बर
(हेक्टर में)
(1)
(2)
0.348
479
0.369
488
520
0.182
489
0.522
490
0.879
0.583
492
0.837
519
(2)
0.279
(1) 499/1
0.081
516
1.084
517
518
1.563 योग : 06.727
(2) अर्जित की जाने वाली उल्लेखित भूमि के सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है:- बिलावर कलॉ जलाशय के बांध एवं नहर निर्माण के लिये निजी कृषि भूमि का अर्जन.
(3) अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि का नक्शा (प्लान ) का निरीक्षण कलेक्टर ( भू-अर्जन शाखा छिंदवाड़ा) जिला छिन्दवाड़ा के न्यायालय में किया जा सकता है.
(4) अर्जित की जाने वाली उल्लेखित भूमि का नक्शा (प्लान) का निरीक्षण कार्यालय कार्यपालन यंत्री, कन्हरगांव परियोजना संभाग, छिंदवाड़ा जिला छिंदवाड़ा में भी देखा जा सकता है.
(5 ) अर्जित की जाने वाले उल्लेखित भूमि का नक्शा ( प्लान) का निरीक्षण कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी, कन्हरगांव परियोजना , नहर उप संभाग कमांक-2 छिंदवाड़ा जिला- छिंदवाड़ा में भी देखा जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, निकुंज कुमार श्रीवास्तव , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला कटनी , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग कटनी, दिनांक 6 फरवरी 2010
प्र.क्र.35/अ - 82-2008-09 .-- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है -
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला-कटनी
(ख) तहसील-रीठी भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
(ग) ग्राम- रजपुरा, प.ह.नं. 22, ब.नं. 352 (घ) लगभग क्षेत्रफल-0.06 हेक्टेयर.
खसरा
नम्बर
रकबा (हेक्टर में)
(1)
(2)
121/1
0.02
121/3
0.01
66
0.01
296
0.01
69/2
0.01
योग .. 0.06
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बरगी दायीं तट मुख्य नहर निर्माण के कारण.
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण कार्यालय भू- अर्जन अधिकारी , बरगी व्यपवर्तन परियोजना कटनी में किया जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, एम. सेलवेन्द्रन , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला खण्डवा, मध्यप्रदेश एवं पदेन सचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग पंधाना, दिनांक 9 फरवरी 2010
क्र.1- अ-82- भू-अ . 2008-09.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- खण्डवा
(ख) तहसील-पंधाना
(ग) ग्राम - बगमार
(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.30 हेक्टेयर.
खसरा
नम्बर
रकबा (हेक्टर में)
(1)
(2)
314
पैकी 0.01
311
पैकी 0.02
306
पैकी 0.01
305
पैकी 0.02
287 (1)
(2)
304
पैकी 0.01
303
पैकी 0.04
301
पैकी 0.02
298
पैकी 0.02
294
पैकी 0.08
293
पैकी 0.02
292
पैकी 0.02
291
पैकी 0.01
290
पैकी 0.01
289/3
पैकी 0.01
कुल रकबा 0.30
( 2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए भूमि की आवश्यकता है- सिरपुर जामली कोहदड़ मार्ग के किलोमीटर 7/6 में बगमार नाले पर पुल निर्माण एवं पहुंच मार्ग निर्माण हेतु .
(3) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण कार्यालय कलेक्टर खण्डवा/अनुविभागीय अधिकारी भू-अर्जन अधिकारी पंधाना/कार्यपालन यंत्री लोक निर्माण विभाग ( सेतु निर्माण) संभाग इंदौर के कार्यालय में किया जा सकता है .
भू-अर्जन प्र . क्र. 2/अ-82-07-08.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1984 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- खण्डवा
(ख) तहसील- पंधाना
(ग) नगर/ग्राम- बलखड़घाटी
(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.04 हेक्टेयर.
खसरा
रकबा (हेक्टर में)
(2)
नम्बर (1) 51
0.04 0.04
कुल रकबा
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- पंधाना रुस्तमपुर मार्ग के कि. मी. 3/2 में सिल्टिया नाले पर पुल निर्माण के पहुंच मार्ग हेतु.
288
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
(3) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण कार्यालय कलेक्टर खण्डवा/अनुविभागीय अधिकारी एवं भू- अर्जन अधिकारी पंधाना/कार्यपालन यंत्री लोक निर्माण विभाग सेतु निर्माण संभाग इंदौर के कार्यालय में कार्यालयीन दिवस/ समय में किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, एस.बी. सिंह, कलेक्टर एवं पदेन सचिव.
कार्यालय, कलेक्टर, जिला झाबुआ, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग झाबुआ, दिनांक 16 फरवरी 2010
क्र. - 300/भू-अर्जन 2010.- चूंकि, राज्य शासन , को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची से पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित किये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है, अतः भू-अर्जन अधिनियम 1894 (क्र. 01 सन् 1894 ) की धारा-06 के अंतर्गत इसके द्वारा यह भी घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- झाबुआ
(ख) तहसील- पेटलावद
(ग) ग्राम- रताम्बा
(घ) लगभग क्षेत्रफल-2.93 हेक्टेयर.
निजी भूमि
सर्वे
नम्बर
रकबा (हेक्टर में)
(2)
(1)
0.13
1251
1252
0.36
1254
0.32
0.12
1255
0.73
1257
0.27
1259
1260
1.00 योग ..2.93
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए भूमि की आवश्यकता है- मथुरिया तालाब निर्माण होने से ग्राम रताम्बा का कुल रकबा निजी भूमि 2.93 हेक्टर.
(3 ) भूमि के नक्शे (प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , पेटलावद के कार्यालय में देखा जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, जगदीश शर्मा, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला रायसेन , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग रायसेन, दिनांक 18 फरवरी 2010
प्र. क्र. 1 - अ-82-09-10.-चूंकि, राज्य शासन, को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची से पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है, अतः भू-अर्जन अधिनियम 1894 (क्र. 01 सन् 1894 ) की धारा -06 के अंतर्गत इसके द्वारा यह भी घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- रायसेन
(ख ) तहसील- उदयपुरा
(ग ) ग्राम- बरखंदा
(घ ) लगभग क्षेत्रफल-5.351 हेक्टेयर.
अर्जित रकबा
कुल रकबा
(हेक्टर में)
(3)
(3)
सर्वे क्रमांक (1)
7
0.80
1.392
0.487
0.487
8/2
0.636
0.35 20
0.35
1.923
21/2
1.923
1.923
21/3
0.485
0.485 21/4
0.465
0.465
21/5
0.291
0.291
25
0.20
1.538
26
योग ..5.351 (2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बरखंदा जलाशय हेतु.
(3) भूमि के नक्शे का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) बरेली के कार्यालय में किया जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , सुनीता त्रिपाठी, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव..
भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
289
उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं
उच्च न्यायालय, मध्यप्रदेश , जबलपुर जबलपुर, दिनांक 28 जनवरी 2010
क्र. 72-गोपनीय- 2010-दो- 2-1-2010 ( भाग-ए ) .-न्यायिक अधिकारियों जिनके नाम व पदस्थापना की जानकारी पृष्ठांकन में दी गई है , को न्यायिक अधिकारी प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान, प्रथम तल, उत्सादित राज्य प्रशासनिक अधिकरण बिल्डिंग, जबलपुर में पांच दिवसीय प्रशिक्षण " Application of Information and Communication Technology to District Judiciary ", जो दिनांक 22 फरवरी 2010 से 26 फरवरी 2010 तक की अवधि के लिये आयोजित है , हेतु संचालक, न्यायिक अधिकारी प्रशिक्षण एवं अनुसंधान, संस्थान, प्रथम तल, उत्सादित राज्य प्रशासनिक अधिकरण बिल्डिंग, जबलपुर के समक्ष दिनांक 22 फरवरी 2010 को प्रातः काल ठीक 9.30 बजे अवश्यमेव उपस्थित होने हेतु निर्दिष्ट किया जाता है .
प्रशिक्षण की शर्तें निम्नवत होंगी:-
1. अपरिहार्य मामलों को छोड़कर कोई भी न्यायिक अधिकारी प्रशिक्षण कालावधि में समायोजन की मांग नहीं करेगा. समायोजन पत्र यदि कोई हो तो संस्थान को बिना किसी विलंब के भेजा जावे, जिससे कि निदेशक समायोजन के कारणों पर विचार कर तद्नुसार प्रशिक्षण कार्यक्रम में समायोजन कर सकें.
2. न्यायिक अधिकारियों को निर्देशित किया जाता है कि वे संचालक, न्यायिक अधिकारी प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान , प्रथम तल, उत्सादित राज्य प्रशासनिक अधिकरण बिल्डिंग, जबलपुर के समक्ष दिनांक 22 फरवरी 2010 को प्रातः काल ठीक 9.30 बजे अवश्यमेव उपस्थित होवें.
3. न्यायिक अधिकारियों को निर्देशित किया जाता है कि वे निर्धारित पोशाक यथा काला कोट, सफेद शर्ट , ग्रे पेंट तथा काली टाई में उचित प्रकार से सुसज्जित होकर प्रशिक्षण में उपस्थित होवें तथा महिला न्यायिक अधिकारी सफेद साड़ी, ब्लाउज व काले कोट में उपस्थित होवें .
4. टी.ए. एवं डी.ए. केवल शासकीय नियमों के अधीन ही देय होंगे, जिनके संबंध में निर्देश जिला एवं सत्र न्यायाधीश को भेजे जा चुके हैं.
5. प्रशिक्षण सत्र में अनुपस्थित रहने अथवा उक्तानुसार वर्णित किसी भी शर्तों का उल्लंघन अनुशासहीनता माना जावेगा.
6. न्यायिक अधिकारियों को उनके कार्यक्रम के अनुसार रेल्वे स्टेशन या बस स्टेण्ड पर टैम्पो ट्रेक्स की व्यवस्था की जावेगी. अतः न्यायिक अधिकारी जबलपुर पहुंचने का सही समय इस कार्यालय के दूरभाष क्रमांक 0761-2628679 पर समयावधि रहते सूचित करें.
7. प्रशिक्षण सत्र में भाग लेने वाले न्यायिक अधिकारियों के ठहरने के लिये न्यायिक अधिकारी प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान , प्रथम तल, उत्सादित राज्य प्रशासनिक अधिकरण बिल्डिंग , जबलपुर में द्वितीय एवं तृतीय तल पर अस्थायी हॉस्टल की व्यवस्था की गई है.
8. न्यायिक अधिकारियों को प्रशिक्षण सत्र के दौरान चाय , नाश्ता तथा दिन एवं रात्रि का भोजन प्रदान किया जावेगा.
9. न्यायिक अधिकारियों को निर्देशित किया जाता है कि वे अपने साथ Laptop Computers with Peripherals एवं Software CDs प्रशिक्षण सत्र में साथ लावें. साथ ही ई- कमेटी द्वारा प्रदाय की गई अध्ययन सामग्री व उच्च न्यायालय द्वारा प्रदाय किया गया " लेपटाप संचालन मार्गदर्शिका " भी साथ लेकर आवें.
माननीय मुख्य न्यायाधिपति महोदय के आदेशानुसार, जयन्त चव्हाण , रजिस्ट्रार जनरल .
जबलपुर, दिनांक 2 फरवरी 2010
क्र. E-604-दो-3-33-2006 .- श्री राजीव सक्सेना, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , रीवा को दिनांक 1 से 8 जनवरी 2010 तक, आठ दिन के स्वीकृत अर्जित अवकाश में से दिनांक 7 से 8 जनवरी 2010 तक, दो दिन का स्वीकृत अर्जित अवकाश , उपभोग नहीं करने के कारण निरस्त किया जाता है .
क्र. B-652-दो- 3-48-2001.- श्री एस.एम. श्रीवास्तव, प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब, न्यायालय, सागर को दिनांक 27 नवंबर 2009 का एवं दिनांक 12 से 14 दिसम्बर 2009 तक, कुल चार दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
अवकाश से लौटने पर श्री एस.एम. श्रीवास्तव , प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय , सागर को सागर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री एस. एम. श्रीवास्तव , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
290
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1
अवकाश से लौटने पर श्रीमती कुमुदबाला बरणा, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मण्डलेश्वर को मण्डलेश्वर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
क्र. B-667-दो- 3-123-2000 .-श्रीमती मीना भट्ट, प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब, न्यायालय, जबलपुर को दिनांक 30 से 31 दिसम्बर 2009 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए दो दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
अवकाश से लौटने पर श्रीमती मीना भट्ट, प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब, न्यायालय , जबलपुर को जबलपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती कुमुदबाला बरणा , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती मीना भट्ट, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
क्र. B-673-दो -3-66-2002.- श्री श्याम कुमार मण्डलोई, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, बड़वानी को दिनांक 29 से 31 दिसम्बर 2009 तक, तीन दिन का शीतकालीन अवकाश एवं दिनांक 1 से 2 जनवरी 2010 तक, दो दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 27 एवं 28 दिसम्बर 2009 के एवं पश्चात् में दिनांक 3 जनवरी 2010 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
क्र. B-669-दो - 3-36-2003.- श्री आर.पी. वर्मा, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , शिवपुरी को दिनांक 9 दिसम्बर 2009 का एवं 12 दिसम्बर 2009 का, दो दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
अवकाश से लौटने पर श्री श्याम कुमार मण्डलोई, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, बड़वानी को बड़वानी पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अवकाश से लौटने पर श्री आर.पी. वर्मा, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, शिवपुरी को शिवपुरी पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री श्याम कुमार मण्डलोई, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
प्रमाणित किया जाता है कि श्री आर.पी. वर्मा, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
जबलपुर, दिनांक 3 फरवरी 2010
क्र. B- 671-दो- 2-40-2009.- श्रीमती कुमुदबाला बरणा , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मण्डलेश्वर का निम्नानुसार अवकाश निरस्त एवं स्वीकृत किया जाता है :-
क्र. B - 714-दो- 2-7-2005 .- श्री ए. के. मिश्रा, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , ग्वालियर को दिनांक 8 से 15 जनवरी 2010 तक, दोनों दिन सम्मिलित करके आठ दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
अवकाश से लौटने पर श्री ए. के. मिश्रा , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, ग्वालियर को ग्वालियर पुनः पदस्थापित किया जाता है .
(1) दिनांक 23 से 27 नवम्बर 2009 तक, पांच दिन के स्वीकृत अर्जित अवकाश में से दिनांक 27 नवम्बर 2009 का एक दिन का अर्जित अवकाश एवं दिनांक 29 से 30 दिसम्बर 2009 तक, दो दिन का शीतकालीन अवकाश निरस्त किया जाता है ..
कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
(2) दिनांक 29 से 31 दिसम्बर 2009 तक, तीन दिन का शीतकालीन अवकाश एवं दिनांक 1 से 2 जनवरी 2010 ... तक, दो दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
प्रमाणित किया जाता है कि श्री ए. के. मिश्रा , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 26 फरवरी 2010
291
अवकाश से लौटने पर श्री ए. के. जैन, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, सीधी को सीधी पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
क्र. B -716-दो-3-28-84.- श्री बृज किशोर दुबे, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , जबलपुर को दिनांक 15 से 20 फरवरी 2010 तक, दोनों दिन सम्मिलित करके छः दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 13 एवं 14 फरवरी 2010 के एवं पश्चात् में दिनांक 21 फरवरी 2010 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री ए. के. जैन, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
अवकाश से लौटने पर श्री बृज किशोर दुबे , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , जबलपुर को जबलपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री बृज किशोर दुबे , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. B -787-दो- 2-8-10.-सुश्री भारती बघेल , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, अशोकनगर को मध्यप्रदेश शासन , विधि और विधायी कार्य विभाग, भोपाल के आदेश क्रमांक-3-( ए) 19-03-इक्कीस- ब ( एक) , दिनांक 15 जून, 2006 के अनुक्रमांक 12 ( 1 ) के अंतर्गत दिनांक 1 नवम्बर 2007 से 15 जनवरी 2010 तक 2 वर्ष की ब्लाक अवधि के लिए 30 दिवस के अर्जित अवकाश को नगद भुगतान के लिए समर्पित करने की स्वीकृति प्रदान की जाती है .
जबलपुर, दिनांक 6 फरवरी 2010
माननीय प्रशासनिक न्यायाधिपति महोदय के आदेशानुसार, ए.एम. येवलेकर, रजिस्ट्रार
जबलपुर, दिनांक 6 फरवरी 2010 क्र. E-744- दो-3-10-06.- श्री बी. एस. परमार, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , बालाघाट को दिनांक 15 से 18 फरवरी 2010 तक, दोनों दिन सम्मिलित करके चार दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 12, 13 एवं 14फरवरी 2010 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .
क्र. E- 746-दो- 3-59-2003.- श्री एस . के . साहा , डिप्टी रजिस्ट्रार -कम- सी.पी.ओ. , उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश, जबलपुर को दिनांक 5 से 10 फरवरी 2010 तक दोनों दिन सम्मिलित करके छः दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
अवकाश से लौटने पर श्री बी. एस. परमार , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, बालाघाट को बालाघाट पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अवकाश से लौटने पर श्री एस. के. साहा, डिप्टी रजिस्ट्रार -कम- सी.पी.ओ. , उच्च न्यायालय, मध्यप्रदेश, जबलपुर को जबलपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री बी. एस . परमार, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री एस. के. साहा, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो डिप्टी रजिस्ट्रार- कम- सी.पी.ओ . के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. B -785- दो - 3-65-02. श्री ए. के. जैन , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , सीधी को दिनांक 18 से 19 दिसम्बर 2009 तक, दोनों दिन सम्मिलित करके दो दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
उच्च न्यायालय के आदेशानुसार, संजीव कालगांवकर, रजिस्ट्रार ( ए. ) .
292
मध्यप्रदेश राजपत्र,पत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1 उच्च न्यायालय, मध्यप्रदेश ( सैट ) , जबलपुर
अवकाशकाल में श्री आर.सी. पिठवे को अवकाश वेतन तथा भत्ते उसी प्रकार देय होंगे जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व देय थे.
जबलपुर, दिनांक 2 फरवरी 2010
उक्त अवकाश से लौटने पर श्री आर.सी. पिठवे अवकाश पर नहीं जाते तो निजी सचिव के पद पर कार्य करते रहते . अतः अवकाश अवधि दिनांक 15 से 30 दिसम्बर 2009 को मूलभूत नियम 26 ( ब) ( 2 ) के अनुसार वेतनवृद्धि के लिये गिनी जावेगी.
क्र. 53 - स्था.सैट-2010.- श्री आर.सी. पिठवे , निजी सचिव, उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश ( सैट ) , खण्डपीठ, इंदौर को दिनांक 15 दिसम्बर से 30 दिसम्बर 2009 तक कुल सोलह दिवस का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया गया है , साथी ही सार्वजनिक अवकाशों के प्रारंभ एवं अंत में जोड़ने की अनुमति प्रदान की जाती है.
ए. एम. येवलेकर, रजिस्ट्रार, उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश , जबलपुर
जबलपुर , दिनांक 29 जनवरी 2010
क्र. 74 -गोपनीय- 2010-दो- 2-1-2010 ( भाग- बी ) - भारतीय संविधान के अनुच्छेद 235 द्वारा , प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, उच्च न्यायालय निम्न सारणी के स्तम्भ क्रमांक ( 2 ) में उल्लिखित न्यायिक अधिकारी को उनके नाम के समक्ष उक्त सारणी के स्तम्भ क्रमांक ( 3 ) में दर्शाये अनुसार उल्लिखित न्यायालय के न्यायाधीश के पद पर उन्हें अधिसूचना दिनांक से पदस्थ करता है :-
सारणी
क्रमांक (1)
अधिकारी का नाम (2)
न्यायालय में पदस्थापना के संदर्भ में टिप्पणी (3)
द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , मुलताई , जिला बैतूल की हैसियत से नवनिर्मित न्यायालय में.
1 श्री अजय कुमार गर्ग , तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, फास्ट ट्रेक कोर्ट , बैतूल के न्यायालय के अतिरिक्त न्यायाधीश स्थान मुलताई, जिला बैतूल ( नियमित कैडर ) .
2 श्री ज्ञान प्रकाश अग्रवाल, सत्रहवें अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, फास्ट ट्रैक कोर्ट, इंदौर ( नियमित कैडर) .
तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , इंदौर की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.
दशम् अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , जबलपुर की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.
3 श्री रेवा राम बामनिया, सोलहवें अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , फास्ट ट्रेक कोर्ट , जबलपुर ( नियमित कैडर ) .
पंचम् अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , रीवा की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.
4 श्री उपेन्द्र कुमार सोनकर, नवम् अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, फास्ट ट्रेक कोर्ट, रीवा ( नियमित कैडर) .
नवम् अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , इंदौर की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.
5 श्री यशवंत सिंह परमार, अठाहरवें अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , फास्ट ट्रेक कोर्ट , इंदौर ( नियमित कैडर ) .
द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, वारासिवनी , जिला बालाघाट की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.
6 श्री जोसेफ माईकल राव, तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , फास्ट ट्रेक कोर्ट, बालाघाट के न्यायालय के द्वितीय अतिरिक्त न्यायाधीश , स्थान वारासिवनी, जिला बालाघाट ( नियमित कैडर ) .
प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , जोरा , जिला मुरैना की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.
7 श्री राजेन्द्र प्रसाद मनकेलिया, पंचम् अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, फास्ट ट्रेक कोर्ट , मुरैना के न्यायालय के अतिरिक्त न्यायाधीश, स्थान जोरा, जिला मुरैना ( नियमित कैडर) .
प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, नसरुल्लागंज, जिला सीहोर की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.
8 श्री विजय मालवीय , तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, फास्ट ट्रैक कोर्ट, सीहोर के न्यायालय के अतिरिक्त न्यायाधीश स्थान नसरुल्लागंज, जिला सीहोर ( नियमित कैडर ) .
माननीय मुख्य न्यायाधिपति महोदय के आदेशानुसार,
जयन्त चव्हाण , रजिस्ट्रार जनरल .
293 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
जबलपुर, दिनांक 29 जनवरी 2010
क्र. 80-गोपनीय- 2010- दो- 2-1-2010 ( भाग- बी ) .- भारतीय संविधान के अनुच्छेद 235 के अन्तर्गत प्रदत्त शक्तियों एवं मध्यप्रदेश सिविल कोर्ट्स एक्ट, 1958 की धारा 8 की उपधारा ( 1 ) के साथ पठित शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश, निम्न सारणी के स्तम्भ ( 2 ) में दर्शित अपर जिला एवं सत्र न्यायधीश ( फास्ट ट्रेक कोर्ट के पीठासीन अधिकारी ) को सारणी के स्तम्भ ( 3 ) में निर्दिष्ट स्थान से स्तम्भ (4) में निर्दिष्ट स्थान पर स्थानांतरित कर, स्तम्भ ( 6 ) में निर्दिष्ट स्थान पर अपर जिला न्यायाधीश ( फास्ट ट्रैक कोर्ट के पीठासीन अधिकारी ) की हैसियत से, उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से पदस्थ करता है .
दण्ड प्रक्रिया संहिता, 1973 ( क्रमांक 2 सन् 1974 ) की धारा 8 की उपधारा ( 1 ) के द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश के निम्न अधिकारी को उनके नाम के समक्ष निम्नलिखित सारणी के स्तम्भ ( 5 ) में निर्दिष्ट सत्र खण्ड के लिए सत्र न्यायालय की अधिकारिता का प्रयोग करने के लिए उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से अपर सत्र न्यायाधीश की हैसियत से नियुक्त करता है :-
सारणी
नाम
क्रमांक
सत्र खण्ड का नाम
कहां से
कहां को
न्यायालय में पदस्थापना के संदर्भ में टिप्पणी (6)
(1)
(4)
(5)
(3)
(2)
1
जबलपुर
जबलपुर
जबलपुर
सोलहवें अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (फास्ट ट्रैक कोर्ट ) की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.
श्री राजीव कुमार करमहे , अपर जिला न्यायाधीश (विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी ) (निरीक्षण एवं सतर्कता ) , वृत्त जबलपुर, उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश, जबलपुर.
2
इंदौर
इंदौर
इंदौर
अठारहवें अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (फास्ट ट्रैक कोर्ट ) की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.
श्री सत्येन्द्र गोवर्धनलाल जोशी, विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी, उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश , खण्डपीठ, इंदौर, इंदौर.
जबलपुर , दिनांक 2 फरवरी 2010
क्र. 119-गोपनीय- 2010- दो- 2-1-2010 ( भाग- दो ) भारतीय संविधान के अनुच्छेद 235 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, उच्च न्यायालय निम्न सारणी के स्तम्भ क्रमांक ( 2 ) में उल्लिखित न्यायिक अधिकारी को उनके नाम के समक्ष उक्त सारणी के स्तम्भ क्रमांक ( 3 ) में दर्शाये अनुसार उल्लिखित न्यायालय के न्यायाधीश के पद पर उनके कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से पदस्थ करता है : -
सारणी
अधिकारी का नाम (2)
क्रमांक (1)
न्यायालय में पदस्थापना के संदर्भ में टिप्पणी (3)
1
उन्नीसवें अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ( फास्ट ट्रैक कोर्ट ) , जबलपुर की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.
श्री सुरेश कुमार चौबे ( सीनियर ) , तेरहवें अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ( फास्ट ट्रैक कोर्ट ) , जबलपुर.
प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, रतलाम की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.
2 श्री के. सी. बांगर , तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , रतलाम.
उच्च न्यायालय के आदेशानुसार, जयन्त चव्हाण , रजिस्ट्रार जनरल.
294
मध्यप्रदेशं राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
[भाग 1
राज्य शासन के आदेश
राजस्वविभाग
कार्यालय, कलेक्टर, जिला इंदौर, मध्यप्रदेश एवं पदेन सचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग इंदौर, दिनांक 22 फरवरी 2010
क्र. 389- भू- अर्जन- 2010.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- इंदौर
(ख) तहसील-( महू) डॉ. अम्बेडकर नगर
(ग) ग्राम-खेडी ( 5.095 ) , सिहोद (5.234 ) , दुर्जनपुरा ( 4.095 ) , शेरपुर (9.340 ) ,
मानपुर (9.057) .
(घ) लगभग क्षेत्रफल-33.421 हेक्टेयर
खसरा
रकबा
नम्बर
(हैक्टेयर में)
(1)
(2)
ग्राम-खेड़ी
22/522/4
पार्ट
0.090 23/3
पार्ट
0.144
0.189 23/4
पार्ट
24
0.387
पार्ट
327/1
पार्ट
0.210
पार्ट
94
0.102 93
पार्ट
0.095
पार्ट
326
0.086 325/1
पार्ट
0.195 324/1
0.210 299/2
0.080
पार्ट
301/2
पार्ट
0.041
0.222 293/2/1
पार्ट
292/2
0.333
पार्ट
0.040
पार्ट
284
0.120 285/11 पार्ट
0.263 285/2 पार्ट
(1)
(2)
पार्ट
285/3
0.006
285/4
पार्ट
0.082
285/5
पार्ट
0.034
0.016
279
पार्ट
पार्ट
280
0.158
0.068
पार्ट
281
278
पार्ट
0.198
277
पार्ट
0.172
0.084
275
पार्ट
272
पार्ट
0.010
274
0.158
पार्ट
पार्ट
0.105
273
पार्ट
0.100
268/1
267/1
पार्ट
0.360
264/1
पार्ट
0.011
381/1
पार्ट
0.726
योग : 5,095
ग्राम-सिहोद
पार्ट
293/15
0.207
293/17
पार्ट
0.234
293/16
पार्ट
0.072
293/2/2
पार्ट
0.243
पार्ट
0.324
293/1/1 त
पार्ट
293/1/1 द
0.270
पार्ट
0.430
293/1/1 न
पार्ट
0.430
293/1/1 प
पार्ट
0.090
293/1/1 क
पार्ट
0.504
293/1/1 भ
पार्ट
293/1/1 व
0.192
पार्ट
293/1/1 छ
0.096
पार्ट
293/6
0.380
पार्ट
293/3
0.114
302
पार्ट
0.044
पार्ट
1.188
301, 300
0.200
294/1/1
पार्ट
294/3
0.144
0.072
पार्ट
294/1 /झ
5.234
योग :
भाग 1 ]
295
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
(2) (1)
ग्राम- दुर्जनपुरा
19/371
पार्ट
0.252 19/370/3
पार्ट
0.052
पार्ट
196/1/3
0.081
पार्ट
196/3
0.096 20/2
पार्ट
0.361 20/3
पार्ट
0.095
पार्ट
0.190 191/2/1
191/2/2
पार्ट
0.054 28/1
पार्ट
0.088 28/2
पार्ट
0.127
पार्ट
188/1
0.038
पार्ट
188/2
0.040 188/3
पार्ट
0.032 188/4
पार्ट
0.032 139/1/1
पार्ट
0.020 139/2
पार्ट
0.158
पार्ट
139/1/2
0.050 139/1/3
पार्ट
0.060 29/1
पार्ट
0.181
पार्ट
29/2
0.142 30
पार्ट
0.054
पार्ट
30/376
0.058
पार्ट
0.001 79/369
140/1
पार्ट
0.056
पार्ट
136/363
0.016 136/1/2
पार्ट
0.034 136/1/4
0.042
पार्ट
136/2
पार्ट
0.079 136/3/1
पार्ट
0.088 136/3/3
पार्ट
0.042 80/1
पार्ट
0.311 80/2
पार्ट
0.098 81/1
पार्ट
0.183 81/2
पार्ट
0.133 82/1
पार्ट
0.132 83/4
पार्ट
0.130 82/1/1
पार्ट
0.134 130
पार्ट
0.126 128/ 1 पार्ट
0.126
(2)
(1)
128/2
पार्ट
0.071
पार्ट
119
0.184
पार्ट
0.085
123/1 , 123/3
पार्ट
0.117
123/2, 123/4
125
पार्ट
0.246
4.695
योग :
ग्राम-शेरपुर
102/1
पार्ट
0.134
101/1/2
101/1/3
पार्ट
0.534
101/1/5
101/1/4
पार्ट
0.152
102/2
0.015
पार्ट
पार्ट
100
0.203
पार्ट
0.159
90
पार्ट
98
0.054
पार्ट
0.012.
94
95/1
पार्ट
0.006
पार्ट
95/2
0.646
पार्ट
91/2
0.150
पार्ट
96
0.010
पार्ट
0.291
93
पार्ट
84
0.059
पार्ट
0.007
67
89
पार्ट
0.193
85
पार्ट
0.149
80
पार्ट
0.015
81
पार्ट
0.153
पार्ट
83
0.069
पार्ट
82
0.143
75
0.107
पार्ट
0.020
पार्ट
74
62/1
पार्ट
0.084
पार्ट
0.027
62/2
पार्ट
0.058
63
पार्ट
64
0.021
65
0.135
पार्ट
पार्ट
66
0.083
70
पार्ट
0.092 296
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 26 फरवरी 2010
(2) (1)
पार्ट
0.150 69
57
पार्ट
0.011 208
पार्ट
0.142
0.027 209
पार्ट
पार्ट
212/1
0.301
0.102 212/2
पार्ट
पार्ट
0.014 54
50/2
पार्ट
0.017 50/3
पार्ट
0.035
पार्ट
0.515 213
215
पार्ट
0.518 214
पार्ट
0.001 216/1
0.022
पार्ट
216/2
पार्ट
0.550 218
पार्ट
0.009 219/3
पार्ट
0.066 254/1
0.129
पार्ट
पार्ट
0.176 254/2
पार्ट
222
0.517 253
पार्ट
0.074
0.260
पार्ट
252
248/2
पार्ट
0.745
0.273
पार्ट
248/3
पार्ट
248/4
0.291 223
पार्ट
0.102
पार्ट
224
0.089 233
पार्ट
0.193
पार्ट
234
0.091
पार्ट
235
0.429
पार्ट
241/2
0.076 243
पार्ट
0.235
9.340
योग :
ग्राम-मानपुर
161
0.148
पार्ट
2/2
पार्ट
0.397 159
पार्ट
0.168 160
पार्ट
0.055 3
पार्ट
0.098 157/2
पार्ट
0.557
(2)
(1)
पार्ट
155
0.943 154
पार्ट
0.425
पार्ट
0.009
152/2
150/1
पार्ट
0.038
पार्ट
149
0.310 182/2
0.062
पार्ट
पार्ट
0.090 216/6
216/2
पार्ट
0.193
पार्ट
0.160 216/3 , 216/4
पार्ट
216/5/1
0.268
पार्ट
216/5/2
0.119 217
पार्ट
0.059
पार्ट
0.469 218/1, 218/2
पार्ट
212
0.741
पार्ट
0.787
210
पार्ट
207
0.019
0.474 208/1,208/ 2,208 /3 पार्ट
पार्ट
0.150 201/1,201/2
पार्ट
200
0.280 199
पार्ट
0.158 307/1
पार्ट
0.774
पार्ट
308/1
0.163
पार्ट
308/2
0.247
308/3
0.324
पार्ट
308/4
पार्ट
0.291
0.071
पार्ट
198
0.010
पार्ट
315/1 , 315/2
9.057
योग :
महायोग : 33.421
(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन के लिए भूमि की आवश्यकता है-लेबड़- मानपुर फोरलेन सड़क निर्माण के लिए.
(3) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , भू-अर्जन अधिकारी , डॉ. अम्बेडकर नगर ( महू ) एवं उप- महाप्रबंधक, मध्यप्रदेश सड़क विकास निगम लिमिटेड इंदौर के कार्यालय में कार्यलयीन समय में किया जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, राकेश श्रीवास्तव, कलेक्टर एवं पदेन सचिव.