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मध्यप्रदे श शा स
सत्यमेव जयते
मध्यप्रदेश राजपत्र
प्राधिकार से प्रकाशित
क्रमांक 8 ]
भोपाल , शुक्रवार, दिनांक 24 फरवरी 2012- फाल्गुन 5 , शक 1933
विषय-सूची
भाग 1.- ( 1 ) राज्य शासन के आदेश , ( 2 ) विभाग प्रमुखों के आदेश, ( 3 ) उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं, (4) राज्य शासन के संकल्प, ( 5 ) भारत शासन के आदेश और अधिसूचनाएं, ( 6 ) निर्वाचन आयोग , भारत की अधिसूचनाएं, ( 7 ) लोक- भाषा परिशिष्ट.
भाग 2.- स्थानीय निकाय की अधिसूचनाएं.
भाग 3.- ( 1 ) विज्ञापन और विविध सूचनाएं,
(2 ) सांख्यिकीय सूचनाएं.
( 1 ) मध्यप्रदेश विधेयक, ( 2 ) प्रवर समिति के प्रतिवेदन, भाग 4.- (क)
(3 ) संसद् में पुरःस्थापित विधेयक,
( 2 ) मध्यप्रदेश अधिनियम, (ख ) ( 1 ) अध्यादेश,
(3) संसद्के अधिनियम,
(ग) ( 1 ) प्रारूप नियम , ( 2 ) अंतिम नियम.
भाग १
राज्य शासन के आदेश
सामान्य प्रशासन विभाग मंत्रालय, वल्लभ भवन, भोपाल
भोपाल , दिनांक 6 फरवरी 2012
क्र. ई- 5-868 - आयएएस- लीव- 5 - एक.- ( 1 ) श्रीमती सुफिया फारूकी, आयएएस. , सहायक कलेक्टर, जिला सिंगरौली को दिनांक 30 जनवरी 2012 से 27 जुलाई 2012 तक 180 दिन का प्रसूती अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
(2 ) अवकाश से लौटने पर श्रीमती सुफिया फारूकी को अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, स्थानापन्न सहायक कलेक्टर, जिला सिंगरौली के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .
(3 ) अवकाशकाल में श्रीमती सुफिया फारूकी को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्रीमती सुफिया फारूकी अवकाश पर नहीं जातीं तो अपने पद पर कार्य करती रहतीं.
क्र. ई - 5-406 - आयएएस लीव-5- एक ( 1 ) श्री डी. के. सामन्तरे, आयएएस. , प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन, लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास विभाग को दिनांक 28 फरवरी 2012 से 3 मार्च 2012 तक पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . उक्त अवकाश के साथ दिनांक 4 मार्च 2012 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.
573
नियंत्रक, शासकीय मुद्रण तथा लेखन सामग्री , मध्यप्रदेश द्वारा शासकीय केन्द्रीय मुद्रणालय , भोपाल से मुद्रित तथा प्रकाशित---2012 .
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मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
(2) अवकाश से लौटने पर श्री डी. के. सामन्तरे को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन, लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास विभाग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(3) अवकाशकाल में श्री डी. के. सामन्तरे को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री डी. के. सामन्तरे अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .
भोपाल , दिनांक 9 फरवरी 2012
क्र. ई - 5-857 - आयएएस लीव-5- एक. सुश्री आईरीन सिंथिया जे. पी . आयएएस. , मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत , भोपाल को दिनांक 6 फरवरी 2012 से 3 मार्च 2012 तक सत्ताईस दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . उक्त अवकाश के साथ दिनांक 5 फरवरी 2012 एवं 4 मार्च 2012 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.
(2) सुश्री आईरीन सिंथिया जे. पी . की अवकाश की अवधि में श्री उमाशंकर भार्गव , संयुक्त कलेक्टर, जिला भोपाल को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत , भोपाल का प्रभार सौंपा जाता है .
( 3 ) अवकाश से लौटने पर सुश्री आईरीन सिंथिया जे. पी. को अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, स्थानापन्न मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत, भोपाल के पद पुनः पदस्थ किया जाता है.
(4) सुश्री आईरीन सिंथिया जे. पी. द्वारा मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत, भोपाल का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री उमाशंकर भार्गव, मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत, भोपाल के प्रभार से मुक्त होंगे .
( 5 ) अवकाशकाल में सुश्री आईरीन सिंथिया जे. पी. को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि सुश्री आईरीन सिंथिया जे.पी. , अवकाश पर नहीं जातीं तो अपने पद पर कार्य करतीं रहतीं.
क्र. ई - 5-726 - आयएएस- लीव- एक- 5.- ( 1 ) श्री आर. के. श्रीवास्तव , आयएएस . , आयुक्त जनसंपर्क एवं प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश माध्यम , मध्यप्रदेश राज्य कृषि उद्योग विकास निगम तथा
[ भाग 1 पदेन सचिव , मध्यप्रदेश शासन , जनसंपर्क विभाग को दिनांक 31 जनवरी 2012 से 4 फरवरी 2012 तक, पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा इस अवकाश के साथ दिनांक 5 फरवरी 2012 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है .
( 2) अवकाश से लौटने पर श्री आर. के. श्रीवास्तव को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न आयुक्त, जनसंपर्क एवं प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश माध्यम, मध्यप्रदेश राज्य कृषि उद्योग विकास निगम तथा पदेन सचिव, मध्यप्रदेश शासन , जनसंपर्क विभाग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .
(3) अवकाशकाल में श्री आर. के. श्रीवास्तव को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(4) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री आर. के. श्रीवास्तव अवकाश नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
भोपाल , दिनांक 13 फरवरी 2012
क्र. ई- 5-561 - आयएएस- लीव - 5- एक. ( 1 ) श्री टी . धर्माराव , आयएएस. , कमिश्नर, रीवा संभाग, रीवा को दिनांक 27 फरवरी 2012से 3 मार्च 2012 तक, छः दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा इस अवकाश के साथ दिनांक 26 फरवरी 2012 एवं 4 मार्च 2012 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.
(2 ) श्री टी. धर्माराव की अवकाश अवधि में श्री प्रदीप खरे , आयएएस. कमिश्नर, शहडोल संभाग , शहडोल को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, कमिश्नर, रीवा संभाग , रीवा का प्रभार सौंपा जाता है.
(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री टी. धर्माराव को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कमिश्नर, रीवा संभाग , रीवा के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(4) श्री टी. धर्माराव द्वारा कनिश्नर, रीवा संभाग , रीवा का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री प्रदीप खरे, कमिश्नर , रीवा संभाग रीवा के प्रभार से मुक्त होंगे .
( 5 ) अवकाशकाल में श्री टी. धर्माराव को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
भाग 1 ]
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री टी. धर्माराव, अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
क्र. ई-5-471- आयएएस लीव- 5 - एक. ( 1 ) श्री सुदेश कुमार, आयएएस. , प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन, सार्वजनिक उपक्रम तथा आयुष विभाग को दिनांक 21 से 25 फरवरी 2012 तक, पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
( 2 ) श्री सुदेश कुमार की अवकाश अवधि में श्री संजय कुमार सिंह, आयएएस, प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन, तकनीकी शिक्षा एवं कौशल विकास को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ - साथ अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, सार्वजनिक उपक्रम तथा आयुष विभाग का प्रभार सौंपा जाता है.
( 3 ) अवकाश से लौटने पर श्री सुदेश कुमार को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न प्रमुख सचिव मध्यप्रदेश शासन, सार्वजनिक उपक्रम तथा आयुष विभाग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(4 ) श्री सुदेश कुमार द्वारा प्रमुख सचिव , सार्वजनिक उपक्रम तथा आयुष विभाग का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री संजय कुमार सिंह , सार्वजनिक उपक्रम तथा आयुष विभाग के प्रभार से मुक्त होंगे .
( 5 ) अवकाशकाल में श्री सुदेश कुमार को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री सुदेश कुमार, अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .
क्र. ई. 1-469-2010-5- एक. श्री अनिल श्रीवास्तव , भाप्रसे (1985 ) आयुक्त, नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा तथा पदेन प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन , नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा विभाग की सेवाएं भारत सरकार , कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय, कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग को मिनिस्ट्री ऑफ सिविल एविएशन के अन्तर्गत संयुक्त महानिदेशक ( संयुक्त सचिव स्तर ) , सिविल ऐविएशन के पद पर नियुक्ति के लिये सौंपी जाती है .
भोपाल , दिनांक 15 फरवरी 2012
क्र. ई- 5-372 - आयएएस-लीव- एक-5.-( 1 ) डॉ. पुखराज मारू, आयएएस. , प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन , श्रम विभाग को दिनांक 5 से 9 मार्च 2012 तक पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा इस अवकाश के साथ दिनांक 4 एवं 10,11 मार्च 2012 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.
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मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(2) डॉ. पुखराज मारू की अवकाश की अवधि में श्री संजय कुमार सिंह , आयएएस . , प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन , तकनीकी शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, श्रम विभाग का प्रभार सौंपा जाता है.
(3) अवकाश से लौटने पर डॉ. पुखराज मारू को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन, श्रम विभाग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .
(4 ) डॉ. पुखराज मारू द्वारा प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन , श्रम विभाग का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री संजय कुमार सिंह, श्रम विभाग के प्रभार से मुक्त होंगे .
(5 ) अवकाशकाल में डॉ. पुखराज मारू को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि डॉ. पुखराज मारू, अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
क्र. ई-5-771 - आयएएस- लीव- एक- 5.-( 1 ) डॉ. नवनीत मोहन कोठारी, आयएएस. , कलेक्टर, जिला खरगौन को दिनांक 21 से 25 फरवरी 2012 तक पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा इस अवकाश के साथ दिनांक 18 , 19 , 20 एवं 26 फरवरी 2012 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है .
(2 ) डॉ. नवनीत मोहन कोठारी की अवकाश अवधि में श्री आनन्द जैन, अपर कलेक्टर, जिला खरगौन को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, कलेक्टर जिला खरगौन का प्रभार सौंपा जाता है.
(3) अवकाश से लौटने पर डॉ. नवनीत मोहन कोठारी को अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कलेक्टर , जिला खरगौन के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .
(4) डॉ. नवनीत मोहन कोठारी द्वारा कलेक्टर, जिला खरगौन का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री आनन्द जैन, कलेक्टर, जिला खरगौन के प्रभार से मुक्त होंगे.
(5 ) अवकाशकाल में डॉ. नवनीत मोहन कोठारी को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि डॉ. नवनीत मोहन कोठारी अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .
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मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
क्र. ई- 1-306-2011-5- एक. श्री एम. के. वाष्र्णेय , भाप्रसे (1991 ) आयुक्त- सह- संचालक, भोपाल गैस राहत एवं पुनर्वास तथा सचिव, मध्यप्रदेश मानव अधिकार आयोग के उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव , 2012 में दिनांक 8 फरवरी 2012 से प्रेक्षक के पद पर रहने के फलस्वरूप उनकी निर्वाचन अवधि में , श्री अश्विनी कुमार राय, भाप्रसे ( 1990 ) , नियंत्रक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन, मध्यप्रदेश को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ आयुक्त- सह- संचालक, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास का प्रभार अतिरिक्त रूप से सौंपा जाता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, अवनि वैश्य, मुख्य सचिव.
भोपाल , दिनांक 27 जनवरी 2012
क्र. एफ 3-2-2012- एक-4.- राज्य शासन, महात्मा ज्योतिबा फुले की जयंती दिनांक 11 अप्रैल 2012 बुधवार को प्रदेश के शासकीय कार्यालयों तथा संस्थाओं के लिये ऐच्छिक अवकाश घोषित करता है.
उक्त ऐच्छिक अवकाश को इस विभाग की अधिसूचना क्रमांक एफ-3-6/2011 - एक 4, दिनांक 3 नवम्बर 2011 के अनुक्रम में ऐच्छिकअवकाश की सूची में सम्मिलित किया जाता है. यहां यह भी स्पष्ट किया जाता है कि प्रत्येक शासकीय सेवक को वर्ष 2012 में घोषित ऐच्छिक अवकाशों में से केवल तीन दिन के अवकाश लेने की पात्रता होगी.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, के. सी. पंत, उपसचिव.
भोपाल , दिनांक 6 फरवरी 2012
क्र. ई- 5-888 - आयएएस- लीव- 5- एक. ( 1 ) श्री कर्मवीर शर्मा, आयएएस. , सहायक कलेक्टर , जिला होशंगाबाद को दिनांक 23 जनवरी 2012 से 17 फरवरी 2012 तक, छब्बीस दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
(2) अवकाश से लौटने पर श्री कर्मवीर शर्मा को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न सहायक कलेक्टर, जिला होशंगाबाद के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .
( 3) अवकाशकाल में श्री कर्मवीर शर्मा को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री कर्मवीर शर्मा, अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
[ भाग 1 क्र. ई- 5-877 - आयएएस लीव-5- एक. ( 1 ) श्री अमित तोमर, आयएएस. , अनुविभागीय अधिकारी, सीहोरा को दिनांक 2 से 13 जनवरी 2012 तक, बारह दिन का अर्जित अवकाश कार्योत्तर स्वीकृत किया जाता है.
( 2) अवकाश से लौटने पर श्री अमित तोमर को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न अनुविभागीय अधिकारी , सीहोरा के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .
(3 ) अवकाशकाल में श्री अमित तोमर को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
( 4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री अमित तोमर, अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
क्र. ई- 5-702 - आयएएस - लीव - 5 - एक.- ( 1 ) श्री प्रदीप खरे , आयएएस. , कमिश्नर, शहडोल संभाग , शहडोल को इस विभाग के समसंख्यक आदेश दिनांक 7 जनवरी 2012 द्वारा दिनांक 23 से 30 जनवरी 2012 तक, आठ दिन के स्वीकृत अर्जित अवकाश के क्रम में दिनांक 31 जनवरी 2012 से 1 फरवरी 2012 तक दो दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा इस अवकाश के साथ दिनांक 21 , 22 जनवरी 2012 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.
( 2 ) इस विभाग के समसंख्यक आदेश दिनांक 7 जनवरी 2012 की शेष कंडिकायें यथावत् रहेंगी.
भोपाल , दिनांक 9 फरवरी 2012
क्र. ई- 5-814 - आयएएस - लीव - 5 - एक.-( 1 ) श्रीमती उर्मिल मिश्रा, आयएएस. , अपर आयुक्त, भोपाल/नर्मदापुरम संभाग को दिनांक 16 से 19 जनवरी 2012 तक चार दिन का लघुकृत अवकाश कार्योत्तर स्वीकृत किया जाता है.
(2 ) अवकाश से लौटने पर श्रीमती उर्मिल मिश्रा को अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, स्थानापन्न अपर आयुक्त, भोपाल/ नर्मदापुर संभाग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(3) अवकाशकाल में श्रीमती उर्मिल मिश्रा को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(4) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्रीमती उर्मिल मिश्रा अवकाश पर नहीं जातीं तो अपने पद पर कार्य करतीं रहतीं.
भाग 1 ]
577
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
क्र. ई - 5-908 - आयएएस- लीव-5- एक. ( 1 ) श्री शशांक मिश्रा, आयएएस. , वि.क.अ. सह- अपर कलेक्टर, जिला राजगढ़ को दिनांक 23 से 29 जनवरी 2012 तक सात दिन का अर्जित अवकाश कार्योत्तर स्वीकृत किया जाता है.
(2) अवकाश से लौटने पर श्री शशांक मिश्रा को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न वि.क.अ.- सह- अपर कलेक्टर, जिला राजगढ़ के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(3) अवकाशकाल में श्री शशांक मिश्रा को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(4) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री शशांक मिश्रा, अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , व्ही. एस. तोमर, अवर सचिव " कार्मिक " भोपाल, दिनांक 6 फरवरी 2012
क्र. ई . - 1-19-2012-5- एक. नीचे तालिका के खाना ( 2 ) में दर्शाये भाप्रसे के अधिकारियों को मुख्य सचिव वेतनमान में पदोन्नत करते हुए, उनके नाम के समक्ष खाना ( 3 ) में दर्शाये गए पद पर अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, स्थानापन्न रूप से पदस्थ किया जाता है :-
तालिका
अधिकारी का
क्रमांक
मुख्य सचिव
वेतनमान में
पदोन्नति पर
नाम तथा वर्तमान
पदस्थापना
पदस्थापना
(1)
(2)
(3)
खाना( 3) में अंकित पद असंवर्गीय होने की दशा में संवर्गीय पद जिसके समकक्ष पदस्थ किया गया है (4)
अध्यक्ष राजस्व मंडल
अपर मुख्य सचिव, मध्यप्रदेश शासन, चकित्सा शिक्षा विभाग .
1. श्री आई.एस. दाणी (1980 ), प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन ,
चिकित्सा शिक्षा विभाग ,
2. श्री अन्टोनी जे.सी. डिसा अपर मुख्य सचिव
अध्यक्ष राजस्व मंडल (1980 ) , प्रमुख सचिव मध्यप्रदेश शासन,
खाद्य, नागरिक आपूर्ति
एवं उपभोक्ता संरक्षण
खाद्य , नागरिक आपूर्ति
मध्यप्रदेश शासन, एवं उपभोक्ता संरक्षण एवं परिवहन विभाग .
एवं परिवहन विभाग.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार ,
अवनि वैश्य, मुख्य सचिव.
राजस्व विभाग मंत्रालय, वल्लभ भवन, भोपाल
भोपाल , दिनांक 8 फरवरी 2012
क्र. एफ. 15-2-2011- सात शाखा 6. मध्यप्रदेश भू- राजस्व संहिता, 1959 ( क्रमांक 20 सन् 1959 ) की धारा 24 की उपधारा ( 1 ) की शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार, एतद्वारा , उक्त संहिता की धारा 68 , 70, 72 , 107 , 108 , 109 , 110 , 114, 118 , 119 , 120, 124 , 125 , 129 , 130, 131 , 233 , 234 , 235, 236, 237, 242 , 243, 244, 245 तथा 246 के अधीन राजस्व अधिकारी की शक्तियां , उक्त संहिता की धारा 108 के अधीन वन ग्रामों के भू- अभिलेखों को तैयार करने के लिए, राज्य सरकार द्वारा प्राधिकृत अधिकारी को प्रदत्त करती है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, मनोज श्रीवास्तव , प्रमुख सचिव.
भोपाल , दिनांक 8 फरवरी 2012
क्र. एफ. 15-2-2011- सात- शा.6 . भारत के संविधान के अनुच्छेद 348 के खण्ड ( 3 ) के अनुसरण में, इस विभाग की सूचना क्रमांक एफ. 15-2-2011 - सात- शा.6 , दिनांक 8 फरवरी 2012 का अंग्रेजी अनुवाद राज्यपाल के प्राधिकार से एतद्वारा प्रकाशित किया जाता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, मनोज श्रीवास्तव , प्रमुख सचिव.
Bhopal , the 8th February 2012
No. F. 15-2-2011 - VII - Sec.6 . In exercise of the powers conferred by sub - section ( 1 ) of Section 24 of the Madhya Pradesh Land Revenue Code , 1959 (No. 20 of 1959 ) , the State Government , hereby, confer the power of Revenue Officer under Section 68 , 70 , 72 , 107, 108 , 109 , 110, 114, 118, 119 , 120 , 124, 125 , 129 , 130 , 131 , 233 , 234 , 235 , 236 , 237, 242 , 243 , 244, 245 and 246 of the said Code an Officer authorized by the State Government for preparing the Land Records of forest villages land under Section 108 of the said Code .
By order and in the name of the Governor of Madhya Pradesh , MONOJ SRIVASTAV, Principal Secy .
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[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल
भोपाल, दिनांक 8 फरवरी 2012
क्र. एफ 9-2-2006- अट्ठावन. मध्यप्रदेश शासन द्वारा मध्यप्रदेश राज्य कृषि उद्योग विकास निगम के मेमोरेण्डम एण्ड आर्टिकली ऑफ एसोसिएशन के आर्टिकल्स -74 ( ए ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए निगम के संचालक मण्डल में निम्नानुसार अधिकारियों को सदस्य मनोनीत किया जाता है :-
1. श्री मदन मोहन उपाध्याय , प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन , उद्योनिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग.
2. श्री आर. के. स्वाई, प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन , किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, टी. आर. काटवाले , अवर सचिव.
विधि और विधायी कार्य विभाग भोपाल , दिनांक 9 फरवरी 2012
फा. क्र. 17 (ई ) 5-2012- इक्कीस ब ( एक ) .- राज्य शासन, उच्च न्यायिक सेवा के अधिकारी , श्री सी. एम. गर्ग , अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं पीठासीन अधिकारी , मध्यप्रदेश राज्य औद्योगिक विकास निगम , भोपाल की सेवाएं, आयकर अपीलीय अधिकरण , नई दिल्ली में न्यायिक सदस्य के पद पर प्रतिनियुक्ति पर नियुक्त करने हेतु उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से , अस्थायी रूप से , आगामी आदेश होने तक, एतद्वारा , भारत सरकार, विधि एवं न्याय मंत्रालय , नई दिल्ली को सौंपता है .
भोपाल , दिनांक 14 फरवरी 2012
क्र. फा. 3 ( बी ) 6-2011- इक्कीस ब( एक ) .-(मेरिट क्र. 04 ) राज्य शासन, श्री गौरव अग्रवाल पुत्र श्री रामबाबू अग्रवाल को मध्यप्रदेश निम्नतर न्यायिक सेवा में सिविल न्यायाधीश, वर्ग -2 ( प्रवेश स्तर ) के पद पर, दो वर्ष की परिवीक्षा पर अथवा अन्य आदेश होने तक, अस्थायी रूप से, उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से कनिष्ठ वेतनमान रुपये 27700-770-33090-920- 40450-1080-44470 में एतद्वारा नियुक्त करता है.
अभ्यर्थी का गृह जिला ग्वालियर है. उसकी जन्मतिथि 16 फरवरी , 1983 है.
फा. क्र. 3 ( बी) 6-2011 - इक्कीस- ब( एक) .-( मेरिट क्र. 20 ) राज्य शासन, श्री कमलेश साहू, पुत्र श्री नेशन साहू को मध्यप्रदेश निम्नतर न्यायिक सेवा में सिविल न्यायाधीश , वर्ग -2 ( प्रवेश स्तर ) के पद पर, दो वर्ष की परिवीक्षा पर अथवा अन्य आदेश होने तक, अस्थायी रूप से, उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से कनिष्ठ वेतनमान रुपये 27700-770-33090-920-40450-1080- 44470 में एतद्वारा नियुक्त करता है.
अभ्यर्थी का गृह जिला बैतूल है . उसकी जन्मतिथि 28 जुलाई, 1979 है.
फा. क्र. 3 ( बी ) 6-2011 -इक्कीस- ब ( एक ) . (मेरिट क्र. 28 ) राज्य शासन , श्री मोहम्मद असलम देहलवी पुत्र श्री मोहम्मद युसुफ देहलवी को मध्यप्रदेश निम्नतर न्यायिक सेवा में सिविल न्यायाधीश, वर्ग -2 ( प्रवेश स्तर ) के पद पर, दो वर्ष की परिवीक्षा पर अथवा अन्य आदेश होने तक, अस्थायी रूप से, उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से कनिष्ठ वेतनमान रुपये 27700-770-33090- 920-40450-1080-44470 में एतद्वारा नियुक्त करता है .
अभ्यर्थी का गृह जिला इंदौर है . उसकी जन्मतिथि 25 दिसम्बर, 1978है.
फा. क्र. 3 ( बी ) 6-2011- इक्कीस - ब ( एक ) .-(मेरिट क्र. 33 ) राज्य शासन, सुश्री स्मृति सिंह पुत्री श्री एम. एस. भगाडिया को मध्यप्रदेश निम्नतर न्यायिक सेवा में सिविल न्यायाधीश, वर्ग-2 ( प्रवेश स्तर ) के पद पर, दो वर्ष की परिवीक्षा पर अथवा अन्य आदेश होने तक, अस्थायी रूप से , उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से कनिष्ठ वेतनमान रुपये 27700-770-33090-920- 40450-1080-44470 में एतद्वारा नियुक्त करता है .
अभ्यर्थी का गृह जिला जबलपुर है . उसकी जन्मतिथि 11 नवम्बर, 1984 है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, के. डी. खान , प्रमुख सचिव.
भोपाल , दिनांक 6 फरवरी 2012
फा. क्र. 1 ( सी) 09 - एट्रोसिटी- इक्कीस - ब ( दो ) -2012.- राज्य शासन, अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति ( अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 की धारा 15 द्वारा प्रदत्त शक्तियों के अधीन पी. सी. दुबे, उप संचालक, अभियोजन, जिला उज्जैन मध्यप्रदेश को उज्जैन जिले के लिये विशेष लोक अभियोजन की शक्तियां उनकी उक्त पदस्थापना तक की अवधि के लिये प्रदान करता है .
भाग 1 ]
579
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
भोपाल , दिनांक 8 फरवरी 2012
फा. क्र. 17( ई ) 377-05- इक्कीस ब ( दो ) -2012.- राज्य शासन, मध्यप्रदेश राज्य सहकारी अधिकरण , भोपाल के समक्ष राज्य शासन की ओर से पक्ष समर्थन करने हेतु श्री रोहित प्र. श्रोती , अधिवक्ता, को आदेश जारी होने के दिनांक से दो वर्ष के लिए पैनल अधिवक्ता नियुक्त करता है.
( 2 ) किसी भी पक्ष द्वारा एक माह का सूचना पत्र देकर यह नियुक्ति समाप्ति की जा सकती है.
(3 ) मध्यप्रदेश राज्य सहकारी अधिकरण के पैनल अधिवक्ताओं को प्रत्येक पेशी पर रुपये 300/ - की दर से शुल्क देय होगा , जिसकी अधिकतम सीमा रुपये 1500/- होगी. एक ही दिन में एक से अधिक प्रकरणों में उपस्थित होकर प्रभावी कार्यवाही करने पर शुल्क की अधिकतम सीमा रुपये 500/- होगी. यदि प्रकरण में एक ही तिथि पर कार्यवाही समाप्त हो जाती है तो रुपये 300/ - शुल्क देय होगा.
(4 ) उक्त व्यय मांग संख्या -17 सहकारिता एक, राजस्व अनुभाग- 2425, सहकारिता- 101-निर्देशन और प्रशासन ( 5026 ) अभिभाषकों की फीस का भुगतान 23 - अन्य प्रभार के अंतर्गत विकलनीय होगा. जिसका भुगतान सहकारिता विभाग द्वारा किया जावेगा.
भोपाल , दिनांक 13 फरवरी 2012
फा. क्र. 1 ( बी ) 11-2004 - इक्कीस - ब ( दो) .- दण्ड प्रक्रिया संहिता, 1973 ( क्रमांक 2 सन् 1974 ) की धारा 24 की उपधारा ( 3 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य शासन , एतद्वारा , श्री दिलीप कुमार गोयल पुत्र श्री बुधमलजी गोयल , अधिवक्ताको उनके कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से एक वर्ष की अवधिके लिये गुना सत्र खण्ड के गुना राजस्व जिले के लिये लोक अभियोजक, गुना नियुक्त करता है , तथापि यह नियुक्ति एक माह का सूचना पत्र देकर बिना कोई कारण बताये समाप्त की जा सकती है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, ए. जे. खान , सचिव.
गृह विभाग मंत्रालय, वल्लभ भवन, भोपाल भोपाल , दिनांक 9 फरवरी 2012
क्र. एफ-1 (ए) 73-2008- ब-2- दो. पुलिस मुख्यालय के आदेश क्र. 2758-11 , दिनांक 30 सितम्बर 2011 द्वारा श्री अनुराग , भापुसे, तत्का. पुलिस अधीक्षक, भिण्ड को दिनांक 10 से 22 अक्टूबर 2011 तक तेरह दिवस अर्जित अवकाश , स्वीकृत किया गया है. राज्य शासन द्वारा उक्त अवकाश अवधि में उन्हें खण्ड वर्ष 2010-13 के प्रथम ब्लाक वर्ष 2010-11 में गृह नगर यात्रा के तहत सपरिवार " पटना ( बिहार ) " अवकाश यात्रा पर जाने की कार्योत्तर अनुमति दी जाती है:-
स्वयं
(1) श्री अनुराग
(2) श्रीमती पदमप्रिया पत्नि
पुत्री
(3) कु. सुप्रज्ञा
पुत्री
(4) कु. शिवांगी
क्र. एफ. 1 ( ए) 186-1991- ब-2-दो. श्री अजय कुमार शर्मा, भापुसे , पुलिस महानिरीक्षक, रा.आ.अ.अ. ब्यूरो , भोपाल को दिनांक 7 मई 2012 से 8 जून 2012 तक, कुल तैंतीस दिवस के अर्जित अवकाश की दिनांक 6 मई 2012 एवं दिनांक 9 , 10 जून 2012 के विज्ञप्त अवकाश के लाभ के साथ स्वीकृति प्रदान की जाती है .
(2 ) श्री अजय कुमार शर्मा, भापुसे के अवकाश अवधि में उनका कार्य श्री आदर्श कटियार, भापुसे , पुलिस महानिरीक्षक, रा.आ.अ.अ. ब्यूरो , भोपाल द्वारा वर्तमान कार्य के साथ- साथ संपादित किया जायेगा.
(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री अजय कुमार शर्मा, भापुसे को अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, स्थानापन्न पुलिस महानिरीक्षक, रा.आ.अ.अ. ब्यूरो , भोपाल के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(4) श्री अजय कुमार शर्मा , भापुसे , पुलिस महानिरीक्षक, रा.आ.अ.अ. ब्यूरो , भोपाल का कार्यभार ग्रहण करने पर कंडिका -2 में अतिरिक्त कार्यभार हेतु निर्देशित अधिकारी स्वमेव अतिरिक्त कार्यभार से मुक्त होंगे .
(5) अवकाशकाल में श्री अजय कुमार शर्मा, भापुसे, को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री अजय कुमार शर्मा, भापुसे उक्त अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर बने रहते.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, अशोक दास , अपर मुख्य सचिव.
वाणिज्य, उद्योग और रोजगार विभाग मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2012
क्र. एफ- 13-2-12-अ- ग्यारह. इंडियन बायलर्स एक्ट, 1923 की धारा 34 ( 2 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, राज्य शासन, नेशनल फर्टिलाईजर्स लिमिटेड, गुना के वाष्पयंत्र क्रमांक एम. पी. 4462 को निम्नलिखित शर्तों पर उक्त अधिनियम की धारा 580
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1 6 ( सी) के उपबंधों के प्रवर्तन से दिनांक 22 जनवरी 2012 से 21 अप्रेल 2012 तक तीन माह के लिये छूट देता है: -
(4) नियत कालिक सफाई और नियमित रूप से गैस निकलने (रेग्युलर ब्लोडाऊन ) का कार्य किया जावेगा और उसका अभिलेख रखा जावेगा.
( 5 ) मध्यप्रदेश बायलर नियम, 1969 के नियम 6 की अपेक्षानुसार संदर्भाधीन बायलर के संबंध में वार्षिक निरीक्षण शुल्क अग्रिम दी जावेगी एवं
( 1 ) संदर्भाधीन बायलर को पहुंचने वाली किसी भी हानि की सूचना बायलर्स अधिनियम, 1923 की धारा 18 ( 1 ) की अपेक्षानुसार तत्काल बायलर मुख्य निरीक्षक मध्यप्रदेश, इन्दौर को दी जावेगी एवं दुर्घटना होने के दिनांक से छूट की मान्यता समाप्त समझी जावेगी.
( 6 ) यदि राज्य शासन आवश्यक समझे तो प्रश्नांकित छूट में संशोधन कर सकता है अथवा उसे वापस ले सकता है .
(2 ) उपर्युक्त अधिनियम की धारा 13 की अपेक्षानुसार बायलर मुख्य निरीक्षक मध्यप्रदेश के पूर्वानुमोदन के बिना संदर्भाधीन बायलर में किसी प्रकार का संरचनांत्मक परिवर्तन अथवा नवीनीकरण नहीं किया जावेगा.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,
मोहम्मद रफीक खान , उपसचिव..
(3 ) संदर्भाधीन बायलर का सरसरी दृष्टि से निरीक्षण किये जाने पर यदि यह खतरनाक स्थिति में पाया गया तो यह छूट समाप्त हो जावेगी .
विधि और विधायी कार्य विभाग
भोपाल , दिनांक 4 फरवरी 2012
फा. क्र. 17 (ई ) -43-2009-232- इक्कीस ब( एक ) 12. ग्राम न्यायालय अधिनियम, 2008 ( 2009 का 4 ) की धारा 5 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य शासन, मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय के परामर्श से , एतद्वारा , इस विभाग की अधिसूचना फा. क्र. 17 (ई ) 43-2009-3835- इक्कीस - ब ( 1 ) , दिनांक 20 मई, 2011 में , निम्नलिखित संशोधन करता है, अर्थात् :-
संशोधन
उक्त अधिसूचना में, सारणी में , अनुक्रमांक 10, 40 तथा 41 एवं उनसे संबंधित प्रविष्टियों के स्थान पर, निम्नलिखित अनुक्रमांक तथा उनसे संबंधित प्रविष्टियां स्थापित की जाएं, अर्थात्:-
सारणी
न्यायाधिकारी
सिविल जिले
ग्राम न्यायालय अनुक्रमांक
का नाम
पदस्थापना का स्थल
का नाम
के मुख्यालय का नाम
मध्यवर्ती स्तर पर पंचायत के लिए ग्राम न्यायालय का नाम
(1)
(2)
(3)
(4)
(6)
(5)
"10.
श्री रामगोपाल प्रजापति
मुलताई
बैतूल
मुलताई
मुलताई
40.
श्रीमती गीता सोलंकी
झाबुआ
झाबुआ
1. झाबुआ
1. झाबुआ
41.
2. थांदला. "
2. थांदला
टिप्पणी:- जहां किसी सिविल जिले में दो ग्राम न्यायालयों के लिये एक समान न्यायाधिकारी हैं, वहां ऐसे समान न्यायाधिकारी प्रत्येक माह में 15 दिन की निरंतरता में आने वाले प्रत्येकं सोमवार एवं शुक्रवार को ग्राम न्यायालय की बैठक करेंगे .
भाग 1 ]
581
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
F. No. 17 (E )43-2009-232 - XXI - B ( 1 ) -12 . In exercise of the powers conferred by Section 5 of the Gram Nyayalayas Adhiniyam, 2008 ( No. 4 of 2009) , the State Government, in consultation with the High Court of Madhya Pradesh , hereby, makes the following amendment in this Department's Notification F. No. 17 (E) 43-2009-3835 -XXI- B ( 1 ) , dated 20th may, 2011 , namely:-
AMENDMENT
In the said Notification , in the table , for serial number 10 , 40 and 41 and entries relating thereto , the following serial numbers and entries relating thereto , shall be substituted , namely : ---
TABLE
S. No.
Name of Gram
Name of
CivilDistrict
Name of Nyayadhikari
Place of Posting
Name of Headquarter ofGram Nyayalaya
Nyayalaya for Panchayat at Intermediate level
(2)
(1)
(4)
(5)
(3)
(6) "10.
Multai
Betul
Multai
Multai Shri Ram Gopal Prajapati
40.
Jhabua
Smt . Geeta Solanki
Jhabua
1. Jhabua
1. Jhabua 41.
2. Thandla
2. Thandla .. " Note :-Where there are one common Nyayadhikari for two Gram Nyayalayas of Civil District in that case such common Nyayadhikari shall preside each Gram Nyayalaya on Monday & Friday falling in continuity of 15 days in each month .
भोपाल , दिनांक 9 फरवरी 2012
फा. क्र. 4-1-2002- इक्कीस - ब ( एक) .- राज्य शासन , इस विभाग के समसंख्यक आदेश दिनांक 14 अगस्त 2002 के अनुक्रम में उच्च न्यायालय की अनुशंसा पर मध्यप्रदेश कुटुम्ब न्यायालय अधिनियम , 1994 ( 1984 का सं. 66 ) की धारा 4 के अधीन गठित कुटुम्ब न्यायालयों में मध्यप्रदेश कुटुम्ब न्यायालय नियम, 2002 के नियम 3 ( 5 ) के अन्तर्गत उच्च न्यायिक सेवा के निम्नलिखित सेवानिवृत्त न्यायिक सदस्यों को माननीय उच्च न्यायालय द्वारा दी गई पदस्थापना पर उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से 62 वर्ष की आयु पूर्ण करने की तिथि अथवा आगामी आदेश होने तक ( जो भी पहले हो ) , पीठासीन अधिकारी के पद पर एतद्वारा नियुक्त करता है.
उक्त न्यायिक अधिकारी को देय वेतन तथा भत्तों का निर्धारण मध्यप्रदेश कुटुम्ब न्यायालय नियम , 2002 के नियम 3 के अन्तर्गत होगा.
क्र.
जन्म दिनांक
सेवानिवृत्ति का
62 वर्ष की आयु सेवानिवृत्त न्यायिक अधिकारी का नाम
दिनांक
पूर्ण करने की तिथि (1)
(2)
(5)
(3)
(4)
1.
1-12-1951
30-11-2011
30-11-2013 श्री आर. के. गोस्वामी से. नि. जिला न्यायाधीश .
2.
8-12-1951
7-12-2013
31-12-2011
श्री मुकेश सिंह,
से. नि. जिला. न्यायाधीश.
3.
20-12-1951
31-12-2011
19-12-2013 श्री हिलाल उद्दीन अहमद से. नि. जिला न्यायाधीश.
4.
1-1-1952
31-12-2011
31-12-2013 श्री जी. के. शर्मा,
से. नि. जिला न्यायाधीश.
5.
31-1-2012
4-1-1952
3-1-2014 श्री जसवंत सिंह क्षत्रिय
से.नि. जिला न्यायाधीश.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , के. डी. खान, प्रमुख सचिव...
582
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1
आवास एवं पर्यावरण विभाग
मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल
भोपाल, दिनांक 10 फरवरी 2012
क्र. एफ- 3-124-2010- बत्तीस. मध्यप्रदेश नगर तथा ग्राम निवेश अधिनियम, 1973 ( क्रमांक 23, सन् 1973 ) की धारा 23 " क " की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार, एतद्वारा , इस विभाग की सूचना क्रमांक एफ-3-124-2010-बत्तीस , दिनांक 5 जुलाई 2011 द्वारा उक्त धारा की उपधारा ( 2 ) द्वारा अपेक्षित किये गये अनुसार प्रकाशित भोपाल विकास योजना, 2005 में निम्नलिखित उपांतरण की पुष्टि करती है. उपांतरण ब्यौरे निम्नानुसार हैं:-
उपांतरण विवरण
क्रमांक ग्राम
खसरा क्रमांक
क्षेत्रफल ( एकड़ में)
उपांतरण पश्चात् उपांतरित भू- उपयोग (1)
(2)
(3)
(6)
(4)
विकास योजना में निर्दिष्ट भू- उपयोग (5)
2.25
40/2,
1. कोटरा सुल्तानाबाद
आमोद-प्रमोद (नगर वन)
साव. /अर्द्ध सार्वजनिक (कन्वेंशन सेंटर )
1.65
276/2
334/275/2
0.10
योग . 4.00
2. उपरोक्त उपांतरण भोपाल विकास योजना, 2005 का एकीकृत भाग होगा.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, वर्षा नावलेकर, उपसचिव
विभाग प्रमुखों के आदेश
प्रशासन अकादमी
(विभागीय परीक्षा प्रकोष्ठ)
भोपाल , दिनांक 9 फरवरी 2012
विभागीय परीक्षा की सूचना तथा कार्यक्रम
क्र. 1219.- प्रदेश के सभी अधिकारी जिनकी विभागीय परीक्षा उनके विभागों द्वारा निर्धारित की गई हो, के लिए विभागीय परीक्षाएं दि. 9 अप्रैल, 2012 से आयुक्त, जबलपुर, रीवा, भोपाल, सागर, ग्वालियर, चम्बल , उज्जैन , इंदौर, नर्मदापुरम एवं शहडोल द्वारा निर्धारित स्थानों में निम्नांकित कार्यक्रम के अनुसार होंगीः-
समय प्र. पत्र (1)
प्रश्न-पत्र का विषय
(2)
(3)
सोमवार दिनांक 9 अप्रैल , 2012
प्रातः 10.00 बजे
से दो. 1.00 बजे 1 पहला प्रश्नपत्र - दांडिक विधि तथा प्रक्रिया ( पुस्तकों सहित ) पुलिस, सामान्य प्रशासन , राजस्व व भू- अभिलेख विभाग के अधिकारियों के लिये, 583 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
(3)
प्रातः 10.00 बजे से दोपहर 1.00 बजे 2 पंजीयन विधि तथा प्रक्रिया- पंजीयन विभाग के अधिकारियों के लिये ( केवल अधिनियम तथा नियमों की पुस्तकों सहित. ) .
-तदैव- 3 विधि तथा प्रक्रिया- उत्पाद शुल्क विभाग के अधिकारियों के लिये , ( पुस्तकों सहित )
-तदैव- 4 विधि तथा प्रक्रिया- वाणिज्यिक कर विभाग के अधिकारियों के लिये ( केवल नियमों की पुस्तकों सहित )
-तदैव- 5 पहला प्रश्नपत्र- सहकारिता सामान्य ( बिना पुस्तकों के ) सहकारी संस्थाओं के सहायक पंजीयकों के लिये ,
- तदैव- 59 विद्युत् संबंधी विधियां ऊर्जा विभाग के अधिकारियों के लिये.
दोपहर 2.00 बजे से शाम 5.00 बजे तक 6 दूसरा प्रश्नपत्र दाण्डिक विधि तथा प्रक्रिया दांडिक मामलों में आदेश/निर्णय का लिखा जाना- पुलिस, सामान्य प्रशासन भू- अभिलेख एवं राजस्व विभाग के अधिकारियों के लिये.
- तदैव- 7 दूसरा प्रश्नपत्र-- सहकारिता तथा सामान्य विधि ( पुस्तकों सहित ) सहकारी संस्थाओं के सहायक पंजीयकों के लिये .
-तदैव- 8 समाज कल्याण ( बिना पुस्तकों के ) पंचायत एवं सामाजिक न्याय विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 60 भू- योजना तथा विद्युत् सुरक्षा - ऊर्जा विभाग के सहायक यंत्री , कनिष्ठ यंत्री एवं पर्यवेक्षकों के लिये.
मंगलवार, दिनांक 10 अप्रैल, 2012
9 पहला प्रश्नपत्र- प्रशासनिक, राजस्व विधि तथा प्रक्रिया ( बिना पुस्तकों के ) भाग - ए आदिम जाति कल्याण विभाग के अधिकारियों के लिये.
प्रातः 10.00 बजे से, दोपहर 1.00 बजे तक
-तदैव- 10. पहला प्रश्नपत्र- प्रशासनिक , राजस्व, विधि तथा प्रक्रिया ( बिना पुस्तकों के ) सामान्य प्रशासन, राजस्व, भू- अभिलेख एवं आदिम जाति कल्याण विभाग के अधिकारियों के लिये. भाग- बी
-तदैव- 11 पहला प्रश्नपत्र- प्रशासनिक, राजस्व, विधि तथा प्रक्रिया ( बिना पुस्तकों के ) सामान्य प्रशासन, राजस्व, भू-अभिलेख एवं आदिम जाति कल्याण विभाग के अधिकारियों के लिये . भाग- सी.
-तदैव- 12 उद्योग विभाग संबंधी अधिनियम तथा नियम - उद्योग विभाग के अधिकारियों के लिये ( पुस्तकों सहित )
-तदैव- 13 प्रश्नपत्र- खनिज प्रबंध ( पुस्तकों सहित ) खनिज साधन विभाग के अधिकारियों के लिये .
14 लेखा तथा कार्यालयीन प्रक्रिया प्रथम प्रश्न पत्र- पंजीयन विभाग के अधिकारियों के लिये ( बिना पुस्तकों के ) - तदैव-
-तदैव- 61 विद्युत् संस्थापनाऐं - ऊर्जा विभाग के सहायक यंत्री, कनिष्ठ यंत्री एवं पर्यवेक्षकों के लिये.
दोपहर 2.00 बजे से शाम 5.00 बजे 15 दूसरा प्रश्नपत्र- प्रशासनिक, राजस्व , विधि तथा प्रक्रिया ( पुस्तकों सहित ) सामान्य प्रशासन , राजस्व, भू-अभिलेख एवं आदिम जाति कल्याण विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 16 प्रक्रिया , विकास योजनाओं , राज्यों के साधनों राज्य के नियम, पुस्तिकाओं आदि का ज्ञान उद्योग विभाग के अधिकारियों के लिये ( पुस्तकों सहित ) .
584
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1 (1)
(2)
(3) 17 तीसरा प्रश्न पत्र-बैंकिंग ( बिना पुस्तकों के ) सहकारी संस्थाओं के सहायक पंजीयकों के लिये.
दोपहर 2.00 बजे से शाम 5.00 बजे तक
-तदैव- 18 समाज शिक्षा ( बिना पुस्तकों के ) पंचायत एवं सामाजिक न्याय विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 19 लेखा तथा कार्यालयीन प्रक्रिया- द्वितीय प्रश्नपत्र- पंजीयन विभाग अधिकारियों के लिये ( पुस्तकों सहित )
-तदैव- 62 लेखा व स्थापना- ऊर्जा विभाग के सहायक यंत्री, कनिष्ठ यंत्री एवं पर्यवेक्षकों के लिये.
बुधवार, दिनांक 11 अप्रैल , 2012
प्रातः 10.00 बजे से
दोपहर 1.00 बजे तक 20 तीसरा प्रश्न- पत्र प्रशासनिक, राजस्व, विधि तथा प्रक्रिया राजस्व के मामले में आदेश का लिखा जाना-सामान्य प्रशासन, राजस्व भू- अभिलेख विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 21 पुस्तपालन तथा कर निर्धारण- विक्रयकर विभाग के अधिकारियों के लिये ( पुस्तकों सहित )
- तदैव- 22 प्रश्नपत्र प्रथम - वन विधि ( बिना पुस्तकों के ) , सहायक वन संरक्षकों के लिये.
-तदैव- 23 पहला प्रश्नपत्र प्रक्रिया ( बिना पुस्तकों के ) वन क्षेत्रपालों के लिये.
- तदैव- 24 पुलिस अधिकारियों की " व्यवहारिक परीक्षा "
-तदैव- 63 स्विच गेयर तथा संरक्षण ऊर्जा विभाग के सहायक यंत्रियों के लिये .
25 कार्यालयीन संगठन तथा प्रक्रिया- वाणिज्यिक कर विभाग के अधिकारियों के लिये.
दोपहर 2.00 बजे से
शाम 5.00 बजे तक
-तदैव- 26 सिविल विधि तथा प्रक्रिया ( पुस्तकों सहित ) राजस्व एवं भू- अभिलेख विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 27 पुलिस अधिकारियों की " पुलिस शाखा " प्रश्न पत्र ( बिना पुस्तकों के )
- तदैव- 28 दूसरा प्रश्नपत्र- सामान्य विधि ( पुस्तकों सहित ) सहायक वन संरक्षकों के लिये .
-तदैव- 29 तीसरा प्रश्न पत्र - सामान्य विधि ( पुस्तकों सहित ) वन क्षेत्रपालों के लिये.
-तदैव- 30 स्थानीय शासन अधिनियम तथा नियम ( बिना पुस्तकों के ) पंचायत एवं सामाजिक न्याय विभाग के अधिकारियों के लिये.
- तदैव- 31 चौथा प्रश्नपत्र- सहकारी लेखा तथा परीक्षण ( बिना पुस्तकों के ) भाग -1 लेखा तथा भाग -2 सहकारिता लेखा परीक्षण, सहकारी संस्थाओं के सहायक पंजीयकों के लिये.
-तदैव- 32 समाज शास्त्र ( पुस्तकों सहित ) आदिम जाति कल्याण विभाग के अधिकारियों के लिये .
-तदैव- 64 विद्युत् रोधन समन्वय तथा परिसंकट ग्रस्त क्षेत्र ( इंसूलेशन को-ऑर्डिनेशन व हजार्ड्स एरिया ) ऊर्जा विभाग के सहायक यंत्री ( वि.सु ) के लिये.
भाग 1 ]
585
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
(3)
गुरुवार, दिनांक 12 अप्रैल , 2012
प्रातः 10.00 बजे से
दोपहर 1.00 बजे तक 33 प्रश्न पत्र-लेखा ( बिना पुस्तकों के ) सहायक कलेक्टरों, डिप्टी कलेक्टर, तहसीलदारों, नायब तहसीलदारों तथा राजस्व एवं भू- अभिलेख विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 34 प्रथम प्रश्नपत्र-लेखा ( बिना पुस्तकों के ) आदिम जाति कल्याण विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 35 प्रथम प्रश्नपत्र-लेखा ( बिना पुस्तकों के ) पंचायत एवं सामाजिक न्याय विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 36 प्रश्नपत्र- न्यायिक शाखा ( बिना पुस्तकों के ) पुलिस विभाग अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 37 लेखा ( पुस्तकों सहित ) उत्पाद शुल्क विभाग के अधिकारियों के लिये .
-तदैव- 38 लेखा ( पुस्तकों सहित )- आर्थिक एवं सांख्यिकी विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 39 लेखा ( पुस्तकों सहित ) उद्योग विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 40 लेखा ( पुस्तकों सहित ) - खनिज साधन विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 41 लेखा ( पुस्तकों सहित ) - जनसम्पर्क विभाग के अधिकारियों के लिये.
- तदैव-
दोपहर 2.00 बजे से शाम 5.00 बजे तक 66 प्रथम प्रश्नपत्र - लेखा ( बिना पुस्तकों के ) महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों के लिये . 42 द्वितीय प्रश्नपत्र-लेखा ( पुस्तकों सहित ) डिप्टी कलेक्टरों , तहसीलदारों, नायब तहसीलदारों तथा राजस्व एवं भू-अभिलेख विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 43 द्वितीय प्रश्नपत्र-लेखा ( पुस्तकों सहित ) आदिम जाति कल्याण विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 44 द्वितीय प्रश्नपत्र-लेखा ( पुस्तकों सहित ) पंचायत एवं सामाजिक न्याय विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 67 द्वितीय प्रश्नपत्र- लेखा ( पुस्तकों सहित ) महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों के लिये.
शुक्रवार, दिनांक 13 अप्रैल , 2012
प्रातः 10.00 बजे से दोपहर 11.00 बजे तक.
45 सिविल पशु चिकित्सा सेवा विभाग के अधिकारियों के लिये लेखा प्रश्न- पत्र भाग -1 (बिना पुस्तकों के ) पशु चिकित्सा सेवा विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 46 प्रथम प्रश्नपत्र लेखा के भाग -1 मत्स्य पालन विभाग के अधिकारियों के लिये ( बिना पुस्तकों के )
47 प्रश्नपत्र-लेखा ( पुस्तकों सहित ) कृषि सेवा कार्यपालन प्रथम , द्वितीय एवं तृतीय श्रेणी अधिकारियों के लिये.
प्रातः 10.00 बजे से दोपहर 1.00 बजे तक.
-तदैव- 48 प्रथम प्रश्नपत्र- विधि तथा प्रक्रिया ( बिना पुस्तकों के ) डेयरी विकास विभाग के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 49 प्रश्नपत्र, द्वितीय- मध्यप्रदेश मूलभूत तथ्य और ग्रामीण विकास जनसंपर्क विभाग के अधिकारियों के लिये (पुस्तकों सहित ) .
-तदैव- 50 द्वितीय प्रश्नपत्र-लेखा ( बिना पुस्तकों के ) वन क्षेत्रपालों के लिये.
-तदैव- 65 पंचायत राज्य प्रशासन विधि तथा प्रक्रिया- सामान्य प्रशासन, राजस्व , भू-अभिलेख , पंचायत एवं ग्रामीण विकास व अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग के अधिकारियों के लिये.
586
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
[ भाग 1 (1)
(2)
(3) 68 तृतीय प्रश्नपत्र- महिला एवं बाल कल्याण- महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों के लिये. प्रातः 10.00 बजे से दोपहर 1.00 बजे
दोपहर 2.00 बजे से शाम 4.00 बजे.
51 सिविल पशु चिकित्सा सेवा विभाग के अधिकारियों के लिये प्रश्न- पत्र लेख भाग-2 ( पुस्तकों सहित) पशु चिकित्सा सेवा विभाग के अधिकारियों के लिये.
- तदैव- 52 प्रश्नपत्र लेखा भाग -2 , मत्स्य पालन विभाग के अधिकारियों के लिये
दोपहर 2.00 बजे से शाम 4.00 बजे.
53 सहकारी संस्थाओं के सहायक पंजीयकों के लिये किसी मामलों में आदेश या प्रतिवेदन लिखने की व्यवहारिक परीक्षा ( पुस्तकों सहित ) .
-तदैव- 54 तृतीय प्रश्न पत्र- प्रक्रिया तथा लेखा ( पुस्तकों सहित ) सहायक वन संरक्षकों के लिये.
-तदैव- 55 द्वितीय प्रश्नपत्र- लेखा ( बिना पुस्तकों के ) कृषि सेवा कार्यपालन प्रथम, द्वितीय तथा तृतीय श्रेणी के अधिकारियों के लिये.
-तदैव- 56 द्वितीय प्रश्नपत्र लेखा तथा प्रक्रिया ( पुस्तकों सहित ) डेयरी विकास विभाग अधिकारियों के लिये .
-तदैव- 57 प्रश्नपत्र तृतीय - अनुसूचित जाति तथा आदिम जाति विकास जनसम्पर्क विभाग के अधिकारियों के लिये ( पुस्तकों सहित ) .
-तदैव- 69 चतुर्थ प्रश्नपत्र- पोषण एवं स्वास्थ्य शिक्षा- महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों के लिये.
सोमवार, दिनांक 16 , अप्रैल, 2012
58 हिन्दी, निबंध तथा हिन्दी से अंग्रेजी में अनुवाद सभी विभागों के अधिकारियों के लिये.
दोपहर 10.00 से 12.00 बजे.
नोट :-
1 .
उम्मीदवारों को सूचित किया जावे कि जिन प्रश्नपत्रों में पुस्तकों की सहायता ली जाना है , उन्हें विभागीय परीक्षा के लिये कलेक्टर कार्यालय से पुस्तकें नहीं दी जावेगी . उन्हें अपनी स्वयं की पुस्तकें ले जाना होंगी.
2. सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को, जो परीक्षा में सम्मिलित होने के इच्छुक हों, अपने नाम उचित मार्ग द्वारा सीधे अपने विभागाध्यक्षों को भेजना चाहिये . परीक्षार्थी राजपत्रित/ अराजपत्रित है , का स्पष्ट उल्लेख आवेदन - पत्र में भरें.
3. सामान्य प्रशासन विभाग ( अनुसूचित जाति आदिवासी सेल के ) ज्ञापन क्र. 1 / 15/77-1 /स . /जनजाति सेवा, दिनांक 15 फरवरी, 1978 के अनुसार विभागीय परीक्षाओं में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजातियों के उम्मीदवारों को उत्तीर्ण होने के लिये 10 प्रतिशत अंको तक छूट दी जाती है . ये छूट अखिल भारतीय सेवा से संबंधित परीक्षार्थियों पर लागू नहीं होगी. परीक्षार्थी तत्संबंधी में अपना प्रमाण- पत्र अपने विभागाध्यक्षों/कलेक्टरों को प्रस्तुत करेंगे. इन प्रमाण- पत्रों को गृह ( सामान्य ) विभाग विभागीय परीक्षा प्रकोष्ठ को नहीं भेजा जावे. संबंधित विभागाध्यक्ष/ कलेक्टर परीक्षा में भाग लेने वाले व्यक्तियों की सूची के साथ अनुसूचित जाति/ जनजाति संबंधी प्रमाण- पत्र संबंधित परीक्षा केन्द्रों के आयुक्तों को दिनांक 19-7-2010 तक भेजेंगे . जिन परीक्षार्थियों द्वारा प्रमाण- पत्र विभागाध्यक्षों के माध्यम से आयुक्तों को प्रस्तुत नहीं किये जावेंगे , उन्हें इस प्रकार की सुविधा प्राप्त नहीं होगी. ये प्रमाण- पत्र आयुक्त कार्यालय में रखे जावेंगे .
4. परीक्षा केन्द्र आयुक्तों से निवेदन है कि परीक्षा में सम्मिलित जिन परीक्षार्थियों द्वारा अनुसूचित जाति/जनजाति के प्रमाण- पत्र उन्हें प्राप्त होंगे उनका उल्लेख शासन को भेजे जाने वाली सूची में अनिवार्य रूप से करें . इसके आधार पर ही उन्हें अंको में छूट प्रदाय की जा सकेगी . कृपया स्पष्ट उल्लेख करें कि परीक्षार्थी सामान्य या अनुसूचित जाति/जनजाति से संबंधित है . एस.सी. /एस.टी . दर्शाकर कोस्टक में ( प्रमाणपत्र प्रस्तुत नहीं किया ) जैसा भ्रमित उल्लेख परीक्षार्थी वाली सूची में न किया जाय.
अनुराग श्रीवास्तव, विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी.
भाग 1 ]
कार्यालय , कलेक्टर ( भू- अभिलेख ) छिन्दवाड़ा,
मध्यप्रदेश
छिन्दवाड़ा, दिनांक 9 फरवरी , 2012
क्र. 174- भू.अ. 5- स.अ.भू.अ 1-2011 .- शासकीय कार्यों में सुविधा की दृष्टि से तथा कार्यों के सुचारू रूप से संचालन हेतु मैं, डॉ. पवन कुमार शर्मा ( आई.ए.एस. ) कलेक्टर, छिन्दवाड़ा, मध्यप्रदेश भू- राजस्व संहिता , 1959 की धारा 105 में प्रदत्त शक्तियों को उपयोग में लाते हुए जिले की तहसील- उमरेठ के अन्तर्गत प्रशासकीय इकाई वर्तमान राजस्व निरीक्षक मण्डल उमरेठ की सीमाओं को परिवर्तित करते हुए, पटवारी हल्का नम्बर 8 , 9 , 10 , 11 , 12, 13, 14 , 15 , 16, 17, 18 , 19 , 20 , 21 , 22, 23 , 40 , 41 , 42, 43 कुल 20 हल्के का नया रा . नि. मं. उमरेठ एवं पटवारी हल्का नम्बर 1 , 2 , 3 , 4,5,6 , 7,24 , 25 , 26 , 27, 28 , 29, 30, 31 , 32, 33 , 34, 35, 36, 37, 38, 39 कुल 23 हल्के का नया राजस्व निरीक्षक मण्डल मोरडोंगरी खुर्द की सीमाओं का पुर्नगठन करता हूं.
क्र. 175- भू.अ. 5- स.अ.भू.अ 1-2011.- शासकीय कार्यों में सुविधा की दृष्टि से तथा कार्यों के सुचारू रूप से संचालन हेतु मैं , डॉ. पवन कुमार शर्मा ( आई.ए.एस. ) कलेक्टर , छिन्दवाड़ा, मध्यप्रदेश भू- राजस्व संहिता, 1959 की धारा 105 में प्रदत्त शक्तियों को उपयोग में लाते हुए, जिले की तहसील- परासिया के अन्तर्गत प्रशासकीय इकाई वर्तमान राजस्व निरीक्षक मण्डल परासिया की सीमाओं को परिवर्तित करते हुए, पटवारी हल्का नम्बर 1 , 2 , 3 , 4 , 5, 6 , 7 , 8 , 9 , 10, 11 , 12, 13 , 14 , 15, 16, 19 , 20 , 21 , 22 , 38, 39 , 40,41 , 42 , 43, 44, 45, 46, 47 , 48 , 49 कुल 32 हल्के का नया रा . नि . मं. परासिया एवं पटवारी हल्का नम्बर 17 , 18 , 23 , 24, 25 , 26 , 27 , 28 , 29 , 30 , 31 , 32 , 33 , 34, 35, 36, 37, 50, 51 , 52 कुल 20 हल्के का नया राजस्व निरीक्षक मण्डल सिरगोरा की सीमाओं का पुर्नगठन करता हूं.
पवन कुमार शर्मा, कलेक्टर.
मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग " निर्वाचन भवन "
58 , अरेरा हिल्स, भोपाल , मध्यप्रदेश भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2012
आदेश
क्र. एफ. 67-174-10- तीन- 214- मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन
587
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने , नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो, पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.
राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय ( लेखा संधारण और प्रस्तुति ) आदेश, 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) ", दिनांक 6 जून 1997 में प्रकाशित हुआ है. उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा.
माह दिसम्बर 2009 में सम्पन्न हुए नगर पंचायत खरगापुर जिला टीकमगढ़ के आम निर्वाचन में सुश्री अहिरवार भागवती अध्यक्ष पद की अभ्यर्थी थीं. नगर पंचायत खरगापुर जिला टीकमगढ़ के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17 दिसम्बर 2009 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् 16 जनवरी 2010 तक, किन्तु 16 जनवरी 2010 एवं 17 जनवरी 2010 का सार्वजनिक अवकाश होने के कारण दिनांक 18 जनवरी 2010 तक, इन्हें अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के पास दाखिल किया जाना था, किन्तु कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के पत्र क्र. न.नि. - व्यय लेखा- 10-406 , दिनांक 29 जनवरी , 2010 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार सुश्री अहिरवार भागवती द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.
विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत न करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर सुश्री अहिरवार भागवती को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 18 फरवरी 2010 जारी कर, कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के माध्यम से दिनांक 8 मार्च 2010 को तामील कराया गया. कारण बताओ नोटिस में अभ्यर्थी से जवाब ( लिखित अभ्यावेदन ) इस कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था . नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर 588
प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है , उनके विरुद्ध एकपक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.
सुश्री अहिरवार भागवती को नोटिस दिनांक 8 मार्च, 2010 को तामील कराया गया. अतः उनको दिनांक 23 मार्च 2010 तक अभ्यावेदन प्रस्तुत करना था. किन्तु उनके द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया. तामीली पश्चात् की जानकारी चाहे जाने पर कलेक्टर टीकमगढ़ ने अपने पत्र दिनांक 30 सितम्बर, 2011 में लेखा किया कि नोटिस में उल्लेखित अवधि में अभ्यर्थी द्वारा निर्वाचन व्यय लेखा/अभ्यावेदन संबंधित द्वारा इस कार्यालय में प्रस्तुत नहीं किया गया है . कलेक्टर से उक्त अभिमत प्राप्त होने पर आयोग द्वारा दिनांक 9 नवम्बर, 2011 को अभ्यर्थी को निर्वाचन व्यय लेखों से संबंधित समस्त दस्तावेज लेकर माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के समक्ष में दिनांक 28 दिसम्बर, 2011 को उपस्थित होने हेतु रजिस्टर्ड ए. डी. द्वारा पत्र प्रेषित किया गया. अभ्यर्थी को सूचना विहित समयावधि से पूर्व प्राप्त हो गई थी, किन्तु व्यक्तिगत सुनवाई में वे उपस्थित नहीं हुई.
उपरोक्त विवेचना से स्पष्ट है कि अभ्यर्थी द्वारा नियत समयावधि में निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया एवं पक्ष समर्थन में कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए गए हैं . अतः आयोग का यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत करने में असफल रहने का कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है .
अतः, मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32- ग के उपबन्धों के अन्तर्गत सुश्री अहिरवार भागवती को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगर पंचायत खरगापुर जिला टीकमगढ़ का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश के तारीख से 05 वर्ष (पांच वर्ष ) की कालावधि के लिये निरर्हित ( अयोग्य ) घोषित किया जाता है.
मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार,
हस्ता./-
(सुभाष जैन )
सचिव,
मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.
भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2012
आदेश
क्र. एफ. 67-174-10-तीन- 215- मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[ भाग 1 निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने , नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो , पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.
राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय ( लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश , 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) " , दिनांक 6 जून 1997 में प्रकाशित हुआ है . उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा.
माह दिसम्बर 2009 में सम्पन्न हुए नगर पंचायत खरगापुर जिला टीकमगढ़ के आम निर्वाचन में सुश्री कुसुम देवी धर्मदास मेहतर अध्यक्ष पद की अभ्यर्थी थीं. नगर पंचायत खरगापुर जिला टीकमगढ़ के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17 दिसम्बर 2009 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32- ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् 16 जनवरी 2010 तक, किन्तु 16 जनवरी 2010 एवं 17 जनवरी 2010 का सार्वजनिक अवकाश होने के कारण दिनांक 18 जनवरी 2010 तक, इन्हें अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के पास दजखिल किया जाना था, किन्तु कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के पत्र क्र. न.नि. - व्यय लेखा-10-406 , दिनांक 29 जनवरी, 2010 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार सुश्री कुसुम देवी धर्मदास मेहतर द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.
विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत न करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर सुश्री कुसुम देवी धर्मदास मेहतर को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 18 फरवरी 2010 जारी कर, कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के माध्यम से दिनांक 10 मार्च 2010 को तामील कराया गया. कारण बताओ नोटिस में अभ्यर्थी से जवाब ( लिखित अभ्यावेदन ) इस कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था. नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है , उनके विरुद्ध एकपक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.
भाग 1 ]
सुश्री कुसुम देवी धर्मदास मेहतर को नोटिस दिनांक 10 मार्च, 2010 को तामील कराया गया. अतः उनको दिनांक 25 मार्च 2010 तक अभ्यावेदन प्रस्तुत करना था. किन्तु उनके द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया. तामीली पश्चात् की जानकारी चाहे जाने पर कलेक्टर, टीकमगढ़ ने अपने पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2011 में लेख किया कि नोटिस में उल्लेखित अवधि में अभ्यर्थी द्वारा निर्वाचन व्यय लेख/अभ्यावेदन संबंधित द्वारा इस कार्यालय में प्रस्तुत नहीं किया गया है. कलेक्टर से उक्त अभिमत प्राप्त होने पर आयोग द्वारा दिनांक 9 नवम्बर 2011 को अभ्यर्थी को निर्वाचन व्यय लेखों से संबंधित समस्त दस्तावेज लेकर माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के समक्ष में दिनांक 28 दिसम्बर 2011 को उपस्थित होने हेतु रजिस्टर्ड ए. डी. द्वारा पत्र प्रेषित किया गया. अभ्यर्थी को सूचना विहित समयावधि से पूर्व प्राप्त हो गई थी, किन्तु व्यक्तिगत सुनवाई में वे उपस्थित नहीं हुई.
उपरोक्त विवेचना से स्पष्ट है कि अभ्यर्थी द्वारा नियत समयावधि में निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया एवं पक्ष समर्थन में कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए गए हैं . अतः आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत करने में असफल रहने का कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है .
अतः , मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32- ग के उपबन्धों के अन्तर्गत सुश्री कुसुम देवी धर्मदास मेहतर को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगर पंचायत, खरगापुर जिला टीकमगढ़ का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश के तारीख से पांच वर्ष ( 5 वर्ष ) की कालावधि के लिये निरर्हित (अयोग्य ) घोषित किया जाता है .
मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार,
हस्ता./-
(सुभाष जैन ) सचिव,
मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.
भोपाल , दिनांक 10 फरवरी 2012
आदेश
क्र. एफ. 67-174-10-तीन- 216- मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह
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मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने , नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो, पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा . मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.
राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय ( लेखा संधारण और प्रस्तुति ) आदेश , 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) ", दिनांक 6 जून 1997 में प्रकाशित हुआ है. उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा.
माह दिसम्बर 2009 में सम्पन्न हुए नगर पंचायत खरगापुर जिला टीकगगढ़ के आम निर्वाचन में सुश्री कोरी द्रोपदी अध्यक्ष पद की अभ्यर्थी थीं. नगर पंचायत खरगापुर जिला टीकमगढ़ के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17 दिसम्बर 2009 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् 16 जनवरी 2010 तक, किन्तु 16 जनवरी 2010 एवं 17 जनवरी 2010 का सार्वजनिक अवकाश होने के कारण दिनांक 18 जनवरी 2010 तक, इन्हें अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के पास दाखिल किया जाना था, किन्तु कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के पत्र क्र. न.नि.--व्यय लेखा- 10-406 , दिनांक 29 जनवरी 2010 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार सुश्री कोरी द्रोपदी द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.
विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत नहीं करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर सुश्री कोरी द्रोपदी को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 18 फरवरी 2010 को जारी कर, कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के माध्यम से दिनांक 9 मार्च 2010 को तामील कराया गया. कारण बताओ नोटिस में अभ्यर्थी से जवाब ( लिखित अभ्यावेदन) इस कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था. नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है , उनके विरुद्ध एकपक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.
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सुश्री कोरी द्रोपदी को नोटिस दिनांक 9 मार्च 2010 को तामील कराया गया. अतः उनको दिनांक 24 मार्च 2010 तक अभ्यावेदन प्रस्तुत करना था . किन्तु उनके द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया. तामीली पश्चात् की जानकारी चाहे जाने पर कलेक्टर टीकमगढ़ ने अपने पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2011 में लेख किया कि नोटिस में उल्लेखित अवधि में अभ्यर्थी द्वारा निर्वाचन व्यय लेख/अभ्यावेदन संबंधित द्वारा इस कार्यालय में प्रस्तुत नहीं किया गया है. कलेक्टर से उक्त अभिमत प्राप्त होने पर आयोग द्वारा दिनांक 9 नवम्बर, 2011 को अभ्यर्थी को निर्वाचन व्यय लेखों से संबंधित समस्त दस्तावेज लेकर माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के समक्ष में दिनांक 28 दिसम्बर, 2011 को उपस्थित होने हेतु रजिस्टर्ड ए. डी. द्वारा पत्र प्रेषित किया गया. अभ्यर्थी को सूचना विहित समयावधि से पूर्व प्राप्त हो गई थी , किन्तु व्यक्तिगत सुनवाई में वे उपस्थित नहीं हुई.
उपरोक्तविवेचना से स्पष्ट है कि अभ्यर्थी द्वारा नियत समयावधि में निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया एवं पक्ष समर्थन में कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए गए हैं . अतः आयोग का यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत करने में असफल रहने का कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है .
अतः , मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32- ग के उपबन्धों के अन्तर्गत सुश्री कोरी द्रोपदी को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगर पंचायत , खरगापुर, जिला टीकमगढ़ का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश के तारीख से पांच वर्ष ( 5 वर्ष ) की कालावधि के लिये निरर्हित ( अयोग्य ) घोषित किया जाता है .
मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार,
हस्ता./-
(सुभाष जैन )
सचिव,
मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल .
भोपाल, दिनांक 10 फरवरी 2012
आदेश
क्र. एफ. 67-174-10- तीन- 217.- मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
निर्वाचन अभिकर्ता ने, नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो , पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा . मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.
राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय ( लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश, 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) ", दिनांक 6 जून 1997 में प्रकाशित हुआ है. उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा.
माह दिसम्बर , 2009 में सम्पन्न हुए नगर पंचायत, खरगापुर जिला टीकगगढ़ के आम निर्वाचन में सुश्री गुलाब बाई अध्यक्ष पद की अभ्यर्थी थीं. नगर पंचायत खरगापुर, जिला टीकमगढ़ के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17 दिसम्बर 2009 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् 16 जनवरी 2010 तक, किन्तु 16 जनवरी 2010 एवं 17 जनवरी 2010 का सार्वजनिक अवकाश होने के कारण दिनांक 18 जनवरी 2010 तक, इन्हें अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के पास दाखिल किया जाना था, किन्तु कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के पत्र क्र. न.नि. व्यय लेखा-10-406, दिनांक 29 जनवरी 2010 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार सुश्री गुलाब बाई द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.
विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत न करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर सुश्री गुलाब बाई कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 18 फरवरी 2010 जारी कर, कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी टीकमगढ़ के माध्यम से दिनांक 9 मार्च 2010 को तामील कराया गया. कारण बताओ नोटिस में अभ्यर्थी से जवाब ( लिखित अभ्यावेदन ) इस कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था . नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है, उनके विरुद्ध एकपक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.
भाग 1 ]
591
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
सुश्री गुलाब बाई को नोटिस दिनांक 9 मार्च, 2010 को तामील कराया गया. अतः उनको दिनांक 24 मार्च 2010 तक अभ्यावेदन प्रस्तुत करना था. किन्तु उनके द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया. तामीली पश्चात् की जानकारी चाहे जाने पर कलेक्टर टीकमगढ़ ने अपने पत्र दिनांक 30 सितम्बर, 2011 में लेख किया कि नोटिस में उल्लेखित अवधि में अभ्यर्थी द्वारा निर्वाचन व्यय लेखा/अभ्यावेदन संबंधित द्वारा इस कार्यालय में प्रस्तुत नहीं किया गया है .
उपरोक्त विवेचना से स्पष्ट है कि अभ्यर्थी द्वारा नियत समयावधि में निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया एवं पक्ष समर्थन में कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए गए हैं . अतः आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत करने में असफल रहने का कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है.
अतः, मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32- ग के उपबन्धों के अन्तर्गत सुश्री गुलाब बाई को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगर पंचायत खरगापुर जिला टीकमगढ़ का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश के तारीख से पांच वर्ष (5 वर्ष) की कालावधि के लिये निरर्हित ( अयोग्य ) घोषित किया जाता है.
मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- (सुभाष जैन) सचिव, मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल .
कार्यालय , कलेक्टर, बैतूल , मध्यप्रदेश
बैतूल , दिनांक 6 फरवरी 2012
क्र. 88 - स्था. 1057. मध्यप्रदेश शासन, सामान्य प्रशासन विभाग , मंत्रालय, भोपाल की अधिसूचना क्रमांक एफ-3-6-2011- एक -4, दिनांक 3 नवम्बर, 2011 एवं सामान्य पुस्तक परिपत्र भाग- दो के अनुक्रमांक 04 के नियम 05 के अन्तर्गत प्राधिकृत प्रावधानों के अनुसार मैं , बी . चन्द्रशेखर, कलेक्टर बैतूल वर्ष 2012 में बैतूल जिले के लिये निम्न तिथियों को स्थानीय अवकाश घोषित करता हूं: -- क्रमांक (1)
त्यौहार का नाम (2)
दिनांक (3) 1
रंग पंचमी
दिन (4)
सोमवार
12मार्च , 2012
2
शनिवार
29 सितम्बर, 2012
अनंत चतुर्दशी
3
दुर्गाष्टमी (महाष्टमी )
सोमवार
22 अक्टूबर , 2012
2. उपरोक्त अवकाश कोषालय/उप कोषालय पर लागू नहीं होंगे.
बी. चन्द्रशेखर , कलेक्टर.
592
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
कार्यालय , जिला दण्डाधिकारी , मुरैना, मध्यप्रदेश
मुरैना दिनांक 8 फरवरी 2012
क्र. 15 - एसडब्लू-13-2010.- मध्यप्रदेश शासन, गृह ( पुलिस ) विभाग , मंत्रालय, भोपाल के आदेश क्रमांक एफ-2 ( क) 115--99- बी- 3 -दो, दिनांक 11 अक्टूबर 2004 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, मैं , डी.डी. अग्रवाल, कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी , मुरैना , जिला मुरैना एवं जिला श्योपुर की जिला समिति की अनुशंसा के आधार पर श्योपुर जिला के थाना गसवानी के अन्तर्गत आने वाले ग्रामों को जिला मुरैना के थाना पहाड़गढ़ क्षेत्र में ग्रामों को निम्नानुसार परिवर्तन करने के आदेश देता हूं. जो निम्नानुसार है:---
ग्राम का नाम
क्रमांक
वर्तमान थाना क्षेत्र जिला श्योपुर (1)
(2)
(3) 1.
गसवानी
कुसमानी
2.
गहतोली
गसवानी 3.
गसवानी
धौधा
4.
देवरा
गसवानी खोरा
5 .
गसवानी
रिमार्क
परिसीमन के फलस्वरूप प्रस्तावित थाने का नाम जिला मुरैना
(5)
(4)
प्रशासनिक हित में पहाड़गढ़
प्रशासनिक हित में पहाड़गढ़
प्रशासनिक हित में पहाड़गढ़
प्रशासनिक हित में पहाड़गढ़
प्रशासनिक हित में पहाड़गढ़
डी. डी. अग्रवाल , उपसचिव, कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला झाबुआ, मध्यप्रदेश
झाबुआ, दिनांक 14 फरवरी 2012
क्र. 871 - व.लि. - 1-2012.- सामान्य पुस्तक के परिपत्र 02 के अनुक्रमांक 04 के नियम 08 तथा मध्यप्रदेश शासन, सामान्य प्रशासन विभाग , भोपाल की अधिसूचना 3-2-1999- एक-4 , भोपाल , दिनांक 30 मार्च 1999 के अन्तर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, मैं, जयश्री कियावत, कलेक्टर, जिला झाबुआ वर्ष 2012 के लिये संपूर्ण जिला झाबुआ की सीमा क्षेत्र हेतु निम्नांकित तिथियों को निम्नानुसार तीन स्थानीय अवकाश घोषित करती हूं:-
क्रमांक जिला
पर्व अथवा त्यौहार (2)
(1)
(3)
1
1. शीतला सप्तमी झाबुआ संपूर्ण जिला
2
2. नवरात्र प्रारंभ ( घट स्थापना) 3
3. पड़वा (दीपावली का दूसरा दिन )
टीप:-
दिनांक
दिन
संपूर्ण विवरण
(5)
(6) (4)
14-3-2012
संपूर्ण जिला
बुधवार
" 16-10-2012
मंगलवार
14-11-2012
बुधवार
यह स्थानीय अवकाश कोषालय/उप कोषालय तथा बैंकों के लिये प्रभावशाली नहीं रहेगा.
(1)
(2) जिन शैक्षणिक संस्थाओं की इन दिनांकों में परीक्षायें नियत हैं . इन पर भी यह अवकाश प्रभावशील नहीं रहेगा . परीक्षायें निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार यथावत रहेंगी .
जयश्री कियावत, कलेक्टर.
भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
593
राज्य शासन के आदेश
राजस्व विभाग
कार्यालय, कलेक्टर, जिला सागर , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
सागर , दिनांक 17 जनवरी 2012
क्र. प्र. भू-अर्जन-42-2012-- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि, इसमें नीचे दी गई अनुसूची के सामने खाने ( 1 ) से ( 5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में इसमें सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यक है . अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, इसके द्वारा , सभी संबंधित व्यक्तियों को, इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त अधिभूमि के संबंध में उक्त धारा ( 1 ) उपधारा में दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है : -
अनुसूची
जिला तहसील
भूमि का वर्णन ग्राम
लगभग क्षेत्रफल
कुल ख. नं.
कुल रकबा (हे. में) (1)
(2)
(3)
(5)
(4)
सागर
देवरी
12
2.18
मड़वा
सार्वजनिक प्रयोजन
का वर्णन धारा 4 (2) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(7)
(6)
देवरी विकासखण्ड के अंतर्गत कार्यपालन यंत्री,
जल संसाधन संभाग क्र. 1 , सागर ( म. प्र . ) .
सतधारा जलाशय के नहर निर्माण में आने वाली निजी भूमि.
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन जिसके लिये आवश्यकता है- सतधारा जलाशय योजना में नहर निर्माण हेतु.
(3 ) भूमि नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , अनुविभागीय अधिकारी, देवरी के कार्यालय में किया जा सकता है.
सागर, दिनांक 31 जनवरी 2012
क्र.- क- 785- प्र.भू-अर्जन- 2012.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि, इसमें नीचे दी गई अनुसूची के सामने खाने ( 1 ) से ( 5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के खाना ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त अधिभूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) में दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
अनुसूची
भूमि का वर्णन ग्राम
जिला तहसील
लगभग क्षेत्रफल
कुल रकबा
कुल ख. नं. (हे. में) (2)
(1)
(3)
सागर
देवरी रानीताल
(4) 18
(5) 2.39
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(7)
देवरी विकासखण्ड के अंतर्गत (6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्र. 1 , सागर.
सतधारा जलाशय की मुख्य नहर निर्माण में आने वाली निजी भूमि का भू-अर्जन.
594
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1
सागर , दिनांक 14 फरवरी 2012
क्र. क- 1104- प्र.भू-अर्जन-2012. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि, इसमें नीचे दी गई अनुसूची के सामने खाने ( 1 ) से (5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक , सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के खाना (6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त अधिभूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) में दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
लगभग क्षेत्रफल जिला
ग्राम
तहसील
कुल ख. नं.
कुल रकबा (हे. में)
(3)
(1) सागर
(2) देवरी देवरी पाठक
(4) 19
(5) 2.94
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्र. 1 , सागर ( म. प्र. ) .
(7) देवरी विकासखण्ड के अंतर्गत समनापुर जलाशय की दांयी मुख्य नहर की माईनर नं. 4 आर. देवरी पाठक के निर्माण में आने वाली निजी भूमि का भू-अर्जन .
क्र. क- 1105- प्र.भू-अर्जन-2012 . चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि, इसमें नीचे दी गई अनुसूची के सामने खाने ( 1 ) से ( 5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू- अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के खाना (6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त अधिभूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) में दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है : -
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला
ग्राम
तहसील
लगभग क्षेत्रफल कुल ख. नं. (4)
(1) सागर
(3) देवरी पाठक
1
(2) देवरी
कुल रकबा (हे. में) (5) 0.36
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्र. 1 , सागर ( म. प्र. ) .
(7) देवरी विकासखण्ड के अंतर्गत समनापुर जलाशय की दांयी मुख्य नहर की माईनर नं. 3 एल. रामखेरी के निर्माण में आने वाली निजी भूमि का भू-अर्जन.
क्र. क - 1106- प्र.भू- अर्जन- 2012.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि, इसमें नीचे दी गई अनुसूची के सामने खाने ( 1 ) से ( 5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के खाना ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त अधिभूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) में दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है : -
अनुसूची
जिला तहसील
लगभग क्षेत्रफल
भूमि का वर्णन ग्राम
(2) देवरी
कुल ख. नं. (4) 6
(1) सागर
कुल रकबा (हे. में) (5) 0.59
(3) फुलर
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 (2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्र. 1 , सागर.
(7) देवरी विकासखण्ड के अंतर्गत सतधारा जलाशय की फुलर माईनर नहर निर्माण में आने वाली निजी भूमि का भू-अर्जन.
भाग 1 ]
595
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
क्र. क- 1106- प्र.भू-अर्जन-2012. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि, इसमें नीचे दी गई अनुसूची के सामने खाने ( 1 ) से ( 5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के खाना (6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त अधिभूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) में दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है : -
अनुसूची
जिला
भूमि का वर्णन ग्राम
तहसील
लगभग क्षेत्रफल
कुल ख. नं.
कुल रकबा (हे. में) (1)
(.2)
(4)
सागर
देवरी
7
(5) 0.88
(3) देवरीखास
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(6) कार्यपालन यंत्री, सागर. जल संसाधन संभाग क्र. 1 ,
(7) देवरी विकासखण्ड के अंतर्गत सतधारा जलाशय की फुलर माईनर नहर निर्माण में आने वाली निजी भूमि का भू-अर्जन.
क्रः क- 1106- प्र.भू-अर्जन- 2012.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि, इसमें नीचे दी गई अनुसूची के सामने खाने ( 1 ) से ( 5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के खाना ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त अधिभूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) में दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
अनुसूची
जिला तहसील
भूमि का वर्णन ग्राम
लगभग क्षेत्रफल
कुल ख. नं.
कुल रकबा (हे. में) (1) सागर
(2) देवरी
(4) 12
(3) चिरचिटा
(5) 1.60
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्र. 1 , सागर.
(7) देवरी विकासखण्ड के अंतर्गत सतधारा जलाशय की चिरचिटा माईनर नहर निर्माण में आने वाली निजी भूमि का भू-अर्जन.
क्र. क- 1106- प्र.भू-अर्जन-2012. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि, इसमें नीचे दी गई अनुसूची के सामने खाने ( 1 ) से ( 5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के खाना ( 6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त अधिभूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) में दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है : -
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील
ग्राम
लगभग क्षेत्रफल
कुल ख. नं.
कुल रकबा (हे. में) (1) सागर
(2) देवरी
(4) 6
(5) 0.77
(3) मुआरखास
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 ( 2) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्र. 1 , सागर.
(7) देवरी विकासखण्ड के अंतर्गत सतधारा जलाशय की चिरचिटा माईनर नहर निर्माण में आने वाली निजी भूमि का भू-अर्जन.
596
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1 क्र. क - 1107-प्र.भू-अर्जन- 2012.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि, इसमें नीचे दी गई अनुसूची के सामने खाने ( 1 ) से ( 5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के खाना (6 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त अधिभूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) में दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील नगर/ग्राम
लगभग क्षेत्रफल
कुल ख. नं.
कुल रकबा (हे. में) (1) सागर
(2) देवरी
(3) रामखेरी
(4) 8
(5) 2.05
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्र. 1 , सागर ( म. प्र. ).
(7) देवरी विकासखण्ड के अंतर्गत समनापुर जलाशय की दांयी मुख्य नहर की माईनर नं. 3 एल. रामखेरी के निर्माण में आने वाली निजी भूमि का भू-अर्जन.
क्र. क- 1108 - प्र.भू-अर्जन- 2012.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि, इसमें नीचे दी गई अनुसूची के सामने खाने ( 1 ) से ( 5 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 7 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के खाना ( 1 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त अधिभूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) में दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
अनुसूची
जिला तहसील
भूमि का वर्णन नगर/ग्राम
लगभग कुल ख. नं.
क्षेत्रफल कुल रकबा (हे. में) (2) देवरी
(1) सागर
(4) 5
(5) 1.79
(3) मुआर बूढ़ी
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 ( 2 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(6) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्र. 1 , सागर ( म. प्र . ) .
(7) देवरी विकासखण्ड के अंतर्गत समनापुर जलाशय की दांयी मुख्य नहर की माईनर नं. 3 एल . रामखेरी के निर्माण में आने वाली निजी भूमि का भू-अर्जन.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, ई. रमेश कुमार, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला शिवपुरी , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग
शिवपुरी , दिनांक 1 फरवरी 2012
क्र.- 01- भू- अर्जन- 11-12-अ-82--चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि, इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 6 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 8 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, सभी भाग 1 ]
597 मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
संबंधित व्यक्तियों को, इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने ( 7 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है : -
अनुसूची
भूमि का वर्णन
नगर/
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन जिला तहसील/
ग्राम
खसरा नम्बर
धारा 4 की उपधारा (2) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
तालुक
संपत्ति अर्जन हेतु प्रस्तावित ब्यौरा
भू-अर्जन हेतु प्रस्तावित रकबा (हे. में )
(1)
(4)
(5)
(6)
(8)
3
0.220
अपर ककेटो डेम शिवपुरी
(2) पोहरी
(3) बूडदा
4
0,400
5
0.110
(7) कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन सभाग, ग्वालियर.
6
0.240
0.130
7
0.150
8
0.580
9
11
0.010
13
0.570
14
0.030
0.460
15
17
0.040
18
0.180
20
0.010
22
0.020
0.060
23
24
0.110
0.280
25
26
0.180
27
0.190
28
0.280
29
0.210
32
0.17
33
0.060
35
0.200
36
0.270
37
0.270
38
0.180
39
0.290
40
0.28 598
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1 (1) (2)
(4)
(5)
(7)
(8) (3)
(6)
41
0.280
42
0.240
43
0.160
44
0.250
45
0.13
0.190
46
0.120
47
48
0.320
49
0.170
0.160
50
0.190
51
52
0.030
53
0.310
54
0.41
55
0.330
56
0.410
57
0.160
58
0.24
0.130
60
0.10
61
62
0.410
64
0.100
65
0.100
66
0.240
67
0.100
68
0.200
69
0.290
70
0.290
0.250
71
73
0.270
74
0.200
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0.020
76
0.320
77
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79
0.460
80
0.420
82
0.310
83
0.280
84
0.080
85
0.080
86
0.170 भाग 1 ]
599 मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1) (2) (3)
(4)
(5)
(6)
(7)
(8)
0.170
87
88
0.350
0.160
89
0.090
91
1.040
92
93
0.250
0.300
94
95
0.200
0.370
96
97
0.370
98
0.20
0.190
99
100
0.310
0.200
101
103
0.110
108
0.290
109
0.250
110
0.250
111
0.190
112/1
0.190
112/2
0.200
113
0.360
114
0.080
115
0.010
116
0.020
117
0.040
118
0.270
119
0.290
121
1.160
124
0.180
125
0.290
126
0.320
127
0.430
0.200
130
139
0.230
141/1
0.070
143/1
0.290
143/2
0.09
145
0.520
146
0.420
148
0.180 600
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1 (1) (2) (3)
(5)
(8) (4)
(6)
(7)
151
1.130
152
1.400
1.410
153
0.840
154
155
0.190
156
0.470
157/2
1.500
1.000
158
159
1.000
160
1.00
0.730
161
163
0.160
164
0.730
179
0.060
180
0.090
181
0.13
182
0.07
183
0.120
184
0.090
185
0.120
186
0.200
187
0.060
0.260
188
191
0.070
192
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193
0.02
194
0.020
195
0.120
196
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197
0.130
0.090
199
0.010
200
201
0.080
202
0.010
204
0.140
205
0.120
206
0.140
207
0.140
0.10
208
209
0.120 भाग 1 ]
601 मध्यप्रदेश राजपत्र,पत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1) (2) (3)
(8) (4)
(5)
(6)
(7)
0.060
210
211
0.110
212
0.850
213
0.16
214
0.150
215
0.160
216
0.200
217
0.070
218
0.070
0.17
219
220
0.090
221
0.090
222
1.940
0.070
225
226
0.090
227
0.260
229
0.01
230
0.250
231
0.190
233
0.220
0.240
234
235
0.170
236
0.060
237
0.110
0.130
238
239
0.240
240
0.250
241
0.300
244
1.680
245
0.080
1.270
246
0.140
247
248
0.300
0.430
249
0.430
251
252
0.610
0.540
253
254
1.40
255
0.09
256
0.03 602
[भाग 1 मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
(2)
(1)
(3)
(4)
(5)
(6)
(7)
(8)
257
0.94
258/2
0.01
0.820
261
262
0.190
263
0.180
0.340
264
265
0.060
266
0.190
267
0.02
268
0.01
269
0.660
270
0.44
271
0.140
0.25
319
320
0.100
321
0.160
322
0.120
326
0.06
327
0.130
328
0.160
0.210
329
332
0.86
339
0.21
342
0.040
0.880
343
346
0.100
347
0.160
348
0.210
349
0.180
350
0.25
0.440
352
0.170
353
357
0.32
360
0.030
0.350
361
362
0.400
363
0.100
0.240
364
365
0.010
366
0.530
368
0.270 भाग 1 ]
603 मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1) (2) (3)
(5)
(7)
(8) (4)
(6)
0.250
369
370
0.080
371
0.240
372
0.25
373
0.020
374
0.010
376
0.020
380
0.050
381
0.250
382/1
0.010
382/2
0.070
383
0.220
0.300
386
387
0.05
388
0.06
389
0.18
390
0.24
0.50
391
392
0.17
393
0.050
0.040
394
0.040
396
0.150
397
0.120
398
0.020
399
401
0.020
403
0.180
404
0.180
405
0.090
406
0.240
407
0.290
408
0.040
410
0.110
411
0.110
412
0.250
413
0.220
414
0.090
415
0.30
416
0.100
417
0.210
418
0.190 604
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1 (1) (2) (3)
(4)
(5)
(6)
(7)
(8)
419
0.030
420
0.370
421
0.330
422
0.010
423
0.040
427
0.180
428
0.090
430
0.140
0.410
431
432
0.180
433
0.180
0.29
434
441
0.040
449
0.060
450
0.060
451
0.060
452
0.02
453
0.020
0.050
454
455
0.050
456
0.050
457
0.130
0.020
465
469
0.46
471
0.160
474
0.040
475
0.01
476
0.050
0.010
477
0.010
478
479
0.010
482
0.05
484
0.040
0.020
485
0.020
486
487
0.020
488
0.110
0.080
489
0.040
490
491
0.020
493
0.010 भाग 1 ]
605 मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(2)
(1)
(3)
(4)
(6)
(5)
(7)
(8)
496
0.050
0.020
497
0.040
498
0.140
499
500
0.020
501
0.150
0.050
502
0.010
503
504
0.150
0.060
507
509
0.120
514
0.190
528
0.090
0.030
529
0.050
530
531
0.050
532
0.080
0.050
534
535
0.050
536
0.030
0.010
537
0.010
538
539
0.040
540
0.010
541
0.030
542
0.030
543
0.020
544
0.030
0.030
545
547
0.050
549
0.020
555
0.040
558
0.030
559
0.030
560
0.060
563
0.060
564
0.030
0.030
565
566
0.060
568
0.010
569
0.020 606
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1 (1) (2)
(3)
(4)
(6)
(7)
(8)
(5)
570
0.030
571
0.080
578
0.020
0.040
579
581
0.100
582
0.010
583
0.010
0.010
584
586/1
0.06
586/2
0.030
591
0.020
592
0.040
596
0.010
0.030
597
0.010
599
600
0.090
601
0.200
602
0.050
0.02
603
604
0.01
0.020
608
0.030
609
0.010
617/1
617/2
0.01
0.020
618
624
0.010
0.020
626
0.010
627
0.010
628
629
0.020
630
0.010
631
0.030
0.050
634
0.040
635
0.020
638
639
0.030
641
0.04
642
0.02
683
0.05
684
0.01
685
0.030 607 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1) (2) (3)
(4)
(7)
(5)
(6)
(8)
0.030
686
687
0.060
688
0.030
689
0.040
690
0.060
0.040
691
0.030
692
694
0.030
695
0.050
0.01
699
0.05
700
714
0.10
722
0.010
0.020
723
0.010
724
725
0.03
0.020
726
727
0.010
728
0.010
732
0.01
758
0.120
759
0.020
760
0.020
0.060
761
762
0.030
763
0.030
765
0.080
771
0.110
775
0.060
776
0.07
777
0.020
780
0.020
784
0.10
786
0.030
787
0.060
789
0.040
796
0.060
797
0.160
0.050
798
799
0.070
803
0.040 608
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[ भाग 1 (1) (2) (3)
(4)
(6)
(7)
(5)
(8)
804/1
0.050
814
0.170
815
0.48
816
0.110
817
0.080
0.070
818
819
0.100
820
0.160
0.770
821
823
0.080
824
0.160
826
0.050
827
0.310
828
0.150
829
0.560
830
0.010
831
0.010
832
0.520
0.03
834
0.090
837
839
0.650
840
0.250
842
0.390
843
0.420
847
0.250
848
0.40
849
0.49
851
0.190
853
0.110
854
0.630
0.150
856
857
0.50
858
0.01
89.112
भूमि का नक्शा ( प्लान) भू- अर्जन अधिकारी के कार्यालय में देखे जा सकते हैं.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,
जॉन किंग्सली , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
भाग 1 ]
609
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
कार्यालय, कलेक्टर, जिला टीकमगढ़ , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
टीकमगढ़, दिनांक 6 फरवरी 2012
प्र. क्र. 5 - भू-अर्जन-2012 .- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि नीचे दी गई अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है:-
भूमिका वर्णन
जिला
ग्राम
तहसील
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)
(3) गैलवारा
(4) 0.785 (1) टीकमगढ़
(2) पृथ्वीपुर
(2)
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन कावर्णन
धारा 4 की उपधारा (2) के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) निवाड़ी
(6) सतीघाट तालाब योजना की नहरों के निर्माण हेतु.
सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- सतीघाट तालाब योजना की नहरों के निर्माण हेतु.
(3) ग्राम गैलवारा की भूमि के अर्जन से संबंधित भूमि के नक्शे का विवरण अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) निवाड़ी के कार्यालय में देखा जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, रघुराज राजेन्द्रन, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर , जिला झाबुआ , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
झाबुआ, दिनांक 9 फरवरी 2012
क्र. 449 - भू-अर्जन- 11- रा.प्र.क्र.-अ- 82-11-12- संशोधित. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसके संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उल्लेखित किये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार, सभी संबंधित व्यक्तियों को इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन , इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है . पूर्व में प्रकाशित अधिसूचना का जी. क्रमांक 19434/10 है:-
अनुसूची
भूमिका वर्णन
जिला
ग्राम
तहसील
क्षेत्रफल भूमि (हेक्टेयर में) (1) (2)
(3) पंथबोराली
(4) 3.37 झाबुआ पेटलावद
योग .. 3.37 धारा 4 की उपधारा
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन (2) द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(5)
कार्यपालन यंत्री, माही परियोजना मुख्य बांध संभाग , पेटलावद,
(6) माही परियोजना की पंथबोराली उप नहर निर्माण हेतु.
जिला झाबुआ ( म.प्र. )
भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , पेटलावद के कार्यालय में देखा जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, जयश्री कियावत, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
610
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
कार्यालय , कलेक्टर, जिला नरसिंहपुर, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
नरसिंहपुर, दिनांक 14 फरवरी 2012
प्र.क्र. अ -82 वर्ष 2011-12- गाडरवारा- पत्र क्र. 385 - भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 संशोधन क्र. 1984 ( क्रमांक एक, सन् 1894) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार उसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा (2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील
ग्राम
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)
(4) (2)
0.066 (1) नरसिंहपुर गाडरवारा
(3) काकरकुईया
सार्वजनिक प्रयोजन कावर्णन धारा 4 की उपधारा (2) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी (5)
(6)
सड़क निर्माण हेतु
कार्यपालन यंत्री , लोक निर्माण विभाग (भ/स ) संभाग नरसिंहपुर.
भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , कार्यालय भू- अर्जन अधिकारी गाडरवारा में किया जा सकता है .
प्र.क्र. 2- अ-82 वर्ष 2011-12 - गाडरवारा- पत्र क्र. 385 - भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 संशोधन क्र. 1984 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार उसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
अनुसूची
तहसील
भूमिका वर्णन ग्राम
जिला
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में ) (1) (2)
(4) 1.420 गाडरवारा
नरसिंहपुर
(3) पलोहाबड़ा
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन (2) के द्वारा धारा 4 की उपधारा प्राधिकृत अधिकारी
(6) सड़क निर्माण हेतु
( भ/स ) संभाग नरसिंहपुर. (5) कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग
भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण, कार्यालय भू-अर्जन अधिकारी गाडरवारा में किया जा सकता है.
प्र.क्र. 3 - अ -82 वर्ष 2011-12 - गाडरवारा- पत्र क्र. 385 - भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 संशोधन क्र. 1984 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार उसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा भाग 1 ]
611
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है : -
अनुसूची
भूमिका वर्णन
जिला तहसील
ग्राम
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में) (1) (2)
(3)
(4)
कान्हरगांव
1.937 नरसिंहपुर गाडरवारा
धारा 4 की उपधारा
सार्वजनिक प्रयोजन
कावर्णन (2) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(6)
(5)
सड़क निर्माण हेतु
कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग ( भ/स ) संभाग नरसिंहपुर.
भूमिके नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , कार्यालय भू- अर्जन अधिकारी , गाडरवारा में किया जा सकता है.
प्र.क्र. 04- अ-82 वर्ष 2011-12 - गाडरवारा- पत्र क्र. 385 - भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 संशोधन क्र. 1984 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार उसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है : -
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील
ग्राम
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में) (2)
(1)
(3)
(4)
0.088
सूखाखैरी
नरसिंहपुर गाडरवारा
धारा 4 की उपधारा
सार्वजनिक प्रयोजन
कावर्णन (2) के द्वारा
प्राधिकृत अधिकारी
(6)
(5)
कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग सड़क निर्माण हेतु
( भ/स ) संभाग नरसिंहपुर.
भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , कार्यालय भू-अर्जन अधिकारी, गाडरवारा में किया जा सकता है .
प्र.क्र. 05 - अ-82 वर्ष 2011-12 - गाडरवारा- पत्र क्र. 385 - भू-अर्जन . चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 संशोधन क्र. 1984 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार उसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा (2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला तहसील
ग्राम
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में ) (2)
(4) (1)
(3)
चीचली
0.287 नरसिंहपुर गाडरवारा
धारा 4 की उपधारा
सार्वजनिक प्रयोजन
का वर्णन (2) के द्वारा
प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6)
सड़क निर्माण हेतु
कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग (भ/स ) संभाग नरसिंहपुर.
भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण, कार्यालय भू- अर्जन अधिकारी , गाडरवारा में किया जा सकता है .
612
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1 प्र.क्र. 08 - अ-82 वर्ष 2011-12 - गाडरवारा- पत्र क्र. 385 - भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 संशोधन क्र. 1984 ( क्रमांक एक, सन् 1894) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार उसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा (2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है :-
भूमि का वर्णन
जिला
ग्राम
तहसील
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में) (2)
(3)
खमरिया
(4) 0.531 (1) नरसिंहपुर गाडरवारा
अनुसूची
धारा 4 की उपधारा
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
(2) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6) सड़क निर्माण हेतु
कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग ( भ/स ) संभाग नरसिंहपुर.
भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , कार्यालय, भू-अर्जन अधिकारी, गाडरवारा में किया जा सकता है.
प्र.क्र. 09- अ-82 वर्ष 2011-12 - गाडरवारा- पत्र क्र. 385- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 संशोधन क्र. 1984 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार उसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा (2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है : -
अनुसूची
भूमि का वर्णन
जिला
ग्राम
तहसील
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में ) (2)
(3)
(4)
चीकसा
1.211 (1) नरसिंहपुर गाडरवारा
धारा 4 की उपधारा
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
(2) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6)
सड़क निर्माण हेतु
कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग ( भ/स ) संभाग नरसिंहपुर.
भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , कार्यालय , भू- अर्जन अधिकारी , गाडरवारा में किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , संजीव सिंह, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला खण्डवा मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग
खण्डवा , दिनांक 13 फरवरी 2012
भू-अर्जन प्र.क्र. 7 -अ 82-11-12- नस्ती क्र. 3-2011 - एल.ए.. - चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार , इसके द्वारा , सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन , इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है . राज्य शासन यह भी निर्देश देता है कि उक्त अधिनियम की धारा 5 ( क ) के उपबंध भाग 1 ]
613
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
उक्त भूमि के संबंध में लागू नहीं होंगे , क्योंकि उसकी राय में उक्त अधिनियम की धारा 17 की उपधारा ( 1 ) तथा उपधारा ( 4 ) के उपबंध उसके संबंध में लागू होंगे :-
भूमि का वर्णन
जिला तहसील
नगर/ग्राम लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में) (1) (2)
(3)
खण्डवा
चांदेल
(4) 4.64 पुनासा
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 की उपधारा (2) के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6)
कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग क्र. 25 , नर्मदानगर .
पुनासा उद्वहन सिंचाई योजना अंतर्गत अवशेष जलाशय -1 से रिसाव के कारण दलदल में परिवर्तित भूमि पर वृक्षारोपण हेतु.
(2) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी एवं भू- अर्जन अधिकारी खण्डवा/कार्यपालन यंत्री नर्मदा विकास संभाग क्रमांक -25 , नर्मदानगर के कार्यालय में किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, कवीन्द्र कियावत , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना जिला रीवा मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग
रीवा, दिनांक 15 फरवरी 2012
क्र. 340 - भू- अर्जन- 2011.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने के अनुसार इसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है. राज्य शासन यह भी निर्देश देता है कि उक्त अधिनियम की धारा 5 ( अ ) के उपबंध उक्त भूमि के संबंध में लागू नहीं होंगे , क्योंकि उसकी राय में उक्त अधिनियम की धारा 17 की उपधारा ( 1 ) के उपबंध उसके संबंध में लागू होते हैं :-
भूमि काविवरण
जिला तहसील
नगर/ग्राम
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में) (2)
(1)
(3)
(4) रीवा
मकरवट
0.084 हुजूर
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
धारा 4 ( 2 ) के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6)
कार्यपालन यंत्री, अपर पुरवा नहर सम्भाग जिला रीवा ( म. प्र. ) .
बाणसागर परियोजना अंतर्गत चचाई वितरक नहर के रहट माइनर में आने वाली भूमि के लिये भूमि परं स्थित सम्पत्तियों का अर्जन.
भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण प्रशासक बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.
क्र. 347- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार इसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है. राज्य शासन यह भी निर्देश देता है कि उक्त अधिनियम की धारा 5 - अ के उपबंध उक्त भूमि के संबंध में लागू नहीं होंगे क्योंकि 614
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1 उसकी राय में उक्त अधिनियम की धारा 17 की उपधारा ( 1 ) के उपबंध उसके संबंध में लागू होते हैः--
भूमि का विवरण
जिला तहसील
नगर/ग्राम लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में ) (1)
(4) सतना
(2) रामनगर
0.228
(3) कंदवारी मजरा मझटोलवा
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(6) आऊट फाल ड्रेन हेतु (5) कार्यपालन यंत्री, राकफिल बांध संभाग , देवलोंद.
भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण प्रशासक बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.
क्र. 349 - भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार इसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है. राज्य शासन यह भी निर्देश देता है कि उक्त अधिनियम की धारा 5 - अ के उपबंध उक्त भूमि के संबंध में लागू नहीं होंगे क्योंकि उसकी राय में उक्त अधिनियम की धारा 17 की उपधारा ( 1 ) के उपबंध उसके संबंध में लागू होते हैं:-
भूमि का विवरण
जिला
नगर/ग्राम
तहसील
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में ) (1) सतना
(2) रामनगर
(4) 0.013
(3) मुर्तिहाई
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन कावर्णन
धारा 4 की उपधारा ( 2 ) के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(6)
(5)
आऊट फाल ड्रेन हेतु कार्यपालन यंत्री , राकफिल बांध संभाग, देवलोंद.
भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण प्रशासक बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .
क्र. 351 - भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार इसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है . राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है . राज्य शासन यह भी निर्देश देता है कि उक्त अधिनियम की धारा 5 - अ के उपबंध उक्त भूमि के संबंध में लागू नहीं होंगे क्योंकि उसकी राय में उक्त अधिनियम की धारा 17 की उपधारा ( 1 ) के उपबंध उसके संबंध में लागू होते हैं: -
जिला तहसील
भूमिका विवरण नगर/ग्राम लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में ) (1) सतना
(2) रामनगर
(4) 0.331
(3) बरहाई
अनुसूची
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा ( 2 ) के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6) आऊट फाल ड्रेन हेतु कार्यपालन यंत्री, राकफिल बांध संभाग, देवलोंद.
भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण प्रशासक, बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , बी. बी. श्रीवास्तव , प्रशासक, एवं पदेन उपसचिव.
भाग 1 ]
615
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
राजस्व विभाग
कार्यालय , कलेक्टर , जिला रतलाम , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग रतलाम, दिनांक 4 फरवरी 2012
क्र. 479 - भू -अर्जन- 2012-प्र.क्र. 02-अ- 82-11-12.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- रतलाम
(ख) तहसील- सैलाना
(ग ) ग्राम- घोड़ादेह, सरवन, नेगड़ापाड़ा एवं श्यामपुरा ( घ ) लगभग क्षेत्रफल -2.77 हेक्टेयर.
सर्वे क्रमांक
रकबा (हेक्टर में )
(2)
(1)
ग्राम-घोड़ादेह
2
0.06
3/1
0.04
4
0.06
0.11
6
8
0.11
15
0.12
0.50
कुल रकबा :
ग्राम-सरवन
133
0.08
145
0.30
148
0.02
147
0.07
149
0.03
172
0.14
0.02
173/1
174/3
0.03
(2)
(1)
0.02
173/2
0.04
174/1
0.02
173/3
0.04
174/2
0.08
169
0.04
667
0.23
668
0.20
669
कुल रकबा 1.36
ग्राम-नेगड़ापाड़ा
37
0.10
0.10
38
0.03
40
0.02
83
0.24
64
0.05
57
0.03
56
0.57
कुल रकबा
ग्राम-श्यामपुरा
131
0.03
0.05
134
0.03
130
0.06
129/2
0.06
129/1
0.06
135/2
136
0.05 योग : 0.34
चारों ग्रामों का कुल रकबा महायोग : 2.77
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- चावलाखेड़ी तालाब की नहर निर्माण से प्रभावित भूमि का अर्जन.
( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी राजस्व, सैलाना के कार्यालय में किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, राजेन्द्र शर्मा , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
616
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
कार्यालय , कलेक्टर, जिला टीकमगढ़ , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग टीकमगढ़, दिनांक 6 फरवरी 2012
प्र. क्र. 15- अ- 82-2011-12 .- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त निजी भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये. आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला-टीकमगढ़
(ख ) तहसील-टीकमगढ़
(ग) नगर/ ग्राम- गणेशगंज भाटा
(घ ) लगभग क्षेत्रफल- 2.304 हेक्टेयर.
खसरा नम्बर (1)
रकबा (हेक्टेयर में ) (2)
69/3/4
0.336
69/3/6
0.128
70/6
0.080
70/5
0.128
70/2
0.176
57/1 क
0.096
57/ 1ख
0.096
57/5
0.096
57/1/2
0.088
57/4
0.144
58/1
0.216
58/2
0.032
53
0.280
48/2
0.352
51
0.056
कुल योग : 2.304
(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- हरपुरा सिंचाई एवं नदी तालाब जोड़ परियोजना की नहर निर्माण हेतु .
[ भाग 1 ( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व) , टीकमगढ़ एवं कार्यपालन यंत्री, सर्वेक्षण एवं अनुसंधान संभाग टीकमगढ़ के कार्यालय में, कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है.
प्र. क्र. 16- अ-82-2011-12. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त निजी भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला-टीकमगढ़
(ख ) तहसील-टीकमगढ़
(ग ) नगर/ ग्राम-चरपुवॉ
(घ ) लगभग क्षेत्रफल-2.296 हेक्टेयर.
रकबा (हेक्टेयर में)
(2)
खसरा नम्बर (1)
431/2
0.048
0.088
431/1
0.016
435
432
0.064
433
0.104
0.152
428
0.200
427
456/1
0.240
456/2
0.184
422/3
0.264
422/1
0.104
0.020
16/2
16/3
0.100
16/5
0.368
14
0.168
13
0.176
कुल योग : 2.296
( 2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- हरपुरा सिंचाई एवं नदी तालाब जोड़ परियोजना की नहर निर्माण हेतु.
भाग 1 ]
617
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व) , टीकमगढ़ एवं कार्यपालन यंत्री, सर्वेक्षण एवं अनुसंधान संभाग टीकमगढ़ के कार्यालय में , कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है .
प्र. क्र. 17- अ- 82-2011-12. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त निजी भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क ) जिला-टीकमगढ़
(ख ) तहसील - टीकमगढ़
(ग) नगर/ग्राम - जमड़ार
(घ) लगभग क्षेत्रफल-1.510 हेक्टेयर.
खसरा
रकबा
(हेक्टेयर में )
नम्बर (1)
(2)
0.064
40/ख जुज
0.576
40/क जुज
0.160
40/ख जुज
40/10
0.272
32
0.044
33
0.120
34
0.010
40/8
0.184
40/4
0.080
योग 1.510
( 2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- हरपुरा सिंचाई एवं नदी तालाब जोड़ परियोजना की नहर निर्माण हेतु.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) , टीकमगढ़ एवं कार्यपालन यंत्री , सर्वेक्षण एवं अनुसंधान संभाग टीकमगढ़ के कार्यालय में , कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है.
प्र. क्र. 18- अ-82-2011-12.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त निजी भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन -
(क) जिला- टीकमगढ़
(ख) तहसील-टीकमगढ़
(ग) नगर/ग्राम- मिनौरा
(घ ) लगभग क्षेत्रफल- 1.590 हेक्टेयर.
खसरा
रकबा
नम्बर
(हे. में)
(1)
(2)
37/1
0.060
0.040
37/2
0.160
23/2
21
0.140
0.020
19
143/492
0.070
0.100
183
9/11
0.130
0.130
9/1
184
0.030
185
0.040
192
0.140
0.110
193
0.070
196
0.030
214
215
0.160
217
0.110
218
0.050
योग .. 1.590
(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- हरपुरा सिंचाई एवं नदी तालाब जोड़ परियोजना की नहर निर्माण हेतु.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) , टीकमगढ़ एवं कार्यपालन यंत्री, सर्वेक्षण एवं अनुसंधान संभाग टीकमगढ़ के कार्यालय में, कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है .
618
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
टीकमगढ़, दिनांक 13 फरवरी 2012
क्र. 8 - अ-82-2011-12.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला-टीकमगढ़
(ख) तहसील-मोहनगढ़
(ग ) नगर/ग्राम- केशरमढ़
(घ) लगभग क्षेत्रफल- 4.533 हेक्टेयर
रकबा (हे. में)
खसरा नम्बर (1)
(2)
1.619
6/2क/1 जु.
6/1
1.600
8/3
1.115
8/3
0.199 योग .. 4.533
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन के लिये भूमि की आवश्यकता है- टीलादांत तालाब योजना के डूब क्षेत्र, बांध निर्माण, स्पिल चैनल , वेस्ट वियर निर्माण हेतु.
( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी जतारा एवं कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग टीकमगढ़ , जिला टीकमगढ़ के कार्यालय में, कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है.
क्र. 9 - अ- 82-2011-12.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन -
(क ) जिला-टीकमगढ़
(ख ) तहसील- मोहनगढ़
(ग) नगर/ ग्राम - दरगांय कलॉ
[भाग 1 (घ ) लगभग क्षेत्रफल-0.900 हेक्टेयर.
खसरा
नम्बर
रकबा (हे. में)
(1)
(2)
586/2/1
0.900 योग .. 0.900
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन के लिये भूमि की आवश्यकता है- टीलादांत तालाब योजना के डूब क्षेत्र, बांध निर्माण, स्पिल चैनल, वेस्ट वियर निर्माण हेतु.
( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान) अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं भू- अर्जन अधिकारी जतारा एवं कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग टीकमगढ़ , जिला टीकमगढ़ के कार्यालय में, कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है.
क्र. 10-अ- 82-2011-12.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 , (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क ) जिला-टीकमगढ़
(ख) तहसील- मोहनगढ़
(ग) नगर/ग्राम-मोंगना
(घ ) लगभग क्षेत्रफल-0.792 हेक्टेयर.
रकबा (हे. में) (2)
खसरा नम्बर (1) 77 87/2
0.390 0.402 योग .. 0.792
(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन के लिये भूमि की आवश्यकता है- टीलादांत तालाब योजना के डूब क्षेत्र, बांध निर्माण , स्पिल चैनल , वेस्ट वियर निर्माण हेतु.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी जतारा एवं कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग टीकमगढ़ , जिला टीकमगढ़ के कार्यालय में, कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , रघुराज राजेन्द्रन , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
भाग 1 ]
619
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
कार्यालय , कलेक्टर , जिला ग्वालियर , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन,
राजस्व विभाग
ग्वालियर, दिनांक 6 फरवरी 2012
प्र. क्र. 47- अ- 82-10-11- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की निम्न प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन -
(क) जिला - ग्वालियर
(ख ) तहसील- भितरवार
(ग) ग्राम-बाजना
(घ ) क्षेत्रफल -2.11 हेक्टर .
सर्वे नं.
कुल रकबा (हे. में)
अर्जित किये जाने वाला अनुमानित रकबा (हे. में. ) (1)
(2)
(3)
0.115
573मिन|
0.01
0.125
573मिन
574
0.282
0.07 575
0.167
0.06 576
0.08
0.188
577
0.261
0.05 578
0.125
0.11
0.587
579मिन
0.05
0.386
579मिन
0.366
511
0.10 908
0.387
0.02 909
0.073
0.01 912
0.136
0.10 915
0.251
0.16 916
0.470
0.09
0.978
917
0.06
0.323
919
0.10
(2)
(3) (1)
920 मिन
0.314
0.01 920मिन
0.157
0.02 934
0.125
0.31
0.669
935
0.020 946
0.335
0.07
0.146
949
0.146
0.06 950
951
0.167
0.05 952
0.03
0.209
0.32
0.693
953
0.15
0.941
957
योग . 2.11 (2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-सिंध परियोजना द्वितीय चरण के अन्तर्गत हरसी उच्चस्तरीय मुख्य नहर की वितरण प्रणाली के निर्माण कार्य हेतु.
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , जिलाधीश, जिला ग्वालियर के कार्यालय में किया जा सकता है .
ग्वालियर, दिनांक 13 फरवरी 2012
प्र. क्र. 42 - अ- 82-10-11- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की निम्न प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णन -
(क) जिला-ग्वालियर
(ख) तहसील- टप्पा घाटीगांव
(ग) ग्राम- आरौन
(घ ) क्षेत्रफल - 6.333 हेक्टर .
सर्वे क्रमांक
रकबा (हे. में)
(2) (1)
0.282 2125
2131/1/1
1.641 620
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2) 2131/1/2
1.641 2131/2
2.769
6.333
योग .
( 2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- लावन का पुरा तालाब निर्माण में डूब क्षेत्र हेतु भूमि का अर्जन.
( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , कार्यालय में किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, पी. नरहरि, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर , जिला खरगोन, मध्यप्रदेश एवं. पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग खरगोन , दिनांक 4 फरवरी 2012
क्र. 214 - भू-अर्जन-2012. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन--
(क) जिला-खरगोन
(ख) तहसील-कसरावद
(ग) ग्राम-गुजारी
(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.360 हेक्टर.
खसरा नंबर
रकबा (हे. में)
(1)
(2)
107/2
0.360 योग.. 0.360
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए भूमि की आवश्यकता है- गुजारी नम्बर 2 , तालाब योजना के डूब क्षेत्र में आने के कारण .
[ भाग 1 ( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कलेक्टर, जिला खरगोन, अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , कसरावद एवं कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग, खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है .
खरगोन , दिनांक 6 फरवरी 2012
क्र. 243 - भू- अर्जन- 2012.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- खरगोन
(ख ) तहसील- कसरावद
(ग ) ग्राम-अमलाथा- II
(घ ) लगभग क्षेत्रफल-28275 वर्गमीटर आबादी भूमि एवं
उस पर स्थित संरचनाएं तथा निजी कृषि भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संरचनाएं.
सर्वे नंबर
मोहल्ला शीट क्रमांक
क्षेत्रफल (वर्गमीटर में )
प्लाट नम्बर/ भू-खण्ड क्रमांक
(1)
(2)
(3)
(4)
6
1
90 291, 297
291
1
24
9
25
291
1
23
3 291
1
26
27
110
1
291
50 291
1
28
74 291
1
29
30
28 291
1
1
31
37 291
1
33
36 291
291
1
34
21
1
35
291
46 291
1
36
79 291
1
38
19
1
39
57 291 भाग 1 ]
621
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
(3)
(4) 291
1
42
25 291
1
43
8
1
291
4
44
291
1
37
47
291
1
48
43 291
1
49
17 456
1
371
59 456
1
376
136 456
1
41
378
456
1
380
80 456
1
381
74 457
1
386
48
4
1
291, 297
59 291
1
7
9 291
1
8
34 291
1
34
9
291
1
10
79
1
291
11
118
1
291
12
24 291
1
60
13
291
1
14
58 291
1
16
28
1
20
28 291, 297
1
21
36 291, 297
291
1
22
41 297
1
2
30 325
1
47
71 325
1
28
84 325
1
30
58 325
1
31
41 325
1
32
48 325
1
33
65 325
1
34
12 325
1
37
103 325
1
312
38
325
1
39
375
1
325
40
44 325
1
41
42 325
1
43
53
1
325
45
40
1
46
65 325, 327
(3)
(4) (2)
(1)
1
50
71 325, 327
154 325
1
51
52
1
130 325, 327
2
327
770
1
327
3
131
1
327
1
4
11 327
6
1
126 327
1
7
75 327
1
61
8
327
1
21
9
10
15 327
1
327
1
11
27
12
16 327
1
327
1
13
16
1
327
17
73
1
127
18
327
327
1
19
66 327
20
1
64
1
21
105 327
327
22
96
1
327
23
43
1
327
1
24
121
1
327
26
112
1
75 327
48
327
49
54
1
1
327
53
124
1
127 327
54
327
56
83
1
327
57
64
1
327
1
58
161 327
1
59
635 327
1
107
61
62
1
166 327, 352
1
327
81
137
82
103
1
327, 352
1
83
62 327, 352
1
352
86
32
87
1
70 327, 352
1
89
198 327, 352
1
101
90
327, 352
1
111
91
327, 352 622
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
(3)
(4)
1
42 327, 352
92
1
93
74 327, 352
350
1
179
59 350
1
59
180
350
1
181
75 350
1
182
81
1
350
183
70 350
1
184
28 350
1
185
138 350
1
186
80 350
1
18
187
350
1
188
144 350
1
189
138 350
1
190
73 350
1
191
77 350
192
1
89 350
1
193
79 350
1
194
83 350
1
195
102 350
38
1
196
350
1
197
96 350
1
198
70 350
1
199
94 350
1
200
87 350
201
1
98
1
350
202
81 350
1
203
58 350
1
204
55 350
1
205
108 350
1
206
115 350
1
208
82
1
350
209
73 350
1
210
87 352
1
63
26 352
1
64
24 352
1
65
64 352
1
66
126 352
1
67
160 352
1
68
42 352
1
69
69 352
1
70
30
[भाग 1 (2)
(4) (1)
(3)
352
1
71
64 352
1
72
69
74
1
103 352
75
352
1
84
76
73 352
1
352
1
77
221
1
78
201 352
352
1
79
214 352
1
'107
80
352
1
84
49 352
1
94
137 352
1
95
128 352
1
97
84
1
103 352
98
1
352
100
42
1
352
101
41
1
44
102
352
1
103
352
155
105
86 352
1
352
1
107
160
1
352
108
21
1
47 352
109
352
1
110
60
111
1
46 352
352
112
1
195 352
1
113
133 352
1
114
130 352
1
115
126
1
116
352
103
117
80
1
352
352
1
118
127 352
1
119
147 354
1
120
55
121
354
85
1
122
354
1
72
123
354
147
1
354
87
1
124
125
96 354
1
354
1
127
86
1
354
128
77 354
1
129
95 भाग 1 ]
623
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
(2)
(1)
(3)
(4) 354
1
130
128 354
1
131
92 354
1
132
41 354
1
133
13 354
1
55
134 Pe
354
1
336
135 Pe
354
1
136 Pe
235 354
1
137
84
1
354
138
84 354
1
141 Pe
37 354
1
142 Pe
100
1
354
80
143 Pe
354
1
144 Pe
72
1
354
59
145 Pe
354
1
151
17 354
1
152
50 354
1
154
71 354
1
155
143 354
1
156
61 354
1
157
64 354
1
158
66 354
1
159
44 354
1
160
43 354
1
8
162 Pe
354
1
163 Pe
100 354
1
164
114 354
1
166 Pe
16 354
1
168
330
1
354
169 Pe
108 354
1
170 Pe
52 354
1
16
171 Pe
356
1
247
37 356
1
248
26 356
1
249
39 356
1
250
51 356
1
251
34 356
1
252
49 356
255
1
26 356
257
1
34 356
1
258
26 356
1
67
259
(3)
(1)
(2)
(4)
1
260
63 356
356
1
261
37
1
356
263
83 356
1
266
67
267
356
1
235
268
22
1
356
1
219 356
269
356
270
437
1
356
1
271
161
50 356
273
1
1
356
274
162
1
276
21 356
1
358
323
99
1
80 358
286
358
1
287
90
1
85 358
288
358
1
289
116 358
1
291
35
1
358
302
46
72 358
303
1
358
1
304
98
305
53 358
1
358
1
58
306
1
358
307
67
1
358
308
66
52 358
1
310
1
358
311
50
1
358
313
111
90 358
1
315
358
1
316
77
104 358
1
317
1
318
358
41 358
1
319
120 358
1
320
100 358
1
321
81
162 358
1
322
1
358
324
175
170 358
1
325
358
1
141
326
1
389
98 358, 457
1
390
90 358, 457 624
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
(4)
(3)
1
61
391
358, 457
392
1
133 358, 457
1
195 359
211
359
1
212
255 359
1
213
552 359
1
41
214/396
(4) (2)
(3)
(1)
1
41 406
298
1
14 406
299
456
1
99
372, 375
456
1
374
277
379
456
1
66
1
382
492 456, 457
359
1
214
41
1
388
133 456, 358
1
359
215
53
1
216
359
61
1
217
359
72 359
1
218
60
1
219
359
98
1
220
359
106 359
221
1
46
1
359
222
39 359
1
223
44 359
1
224
166
48 359
1
225
1
359
226
47
1
227
359
23 359
1
228
23 359
1
35
229
359
1
230
32
1
359
232
39 359
1
233
45 359
1
235
27 359
1
236
32 359
1
237
392 359
1
239
46
240
359
1
35
1
359
70
241
242
359
1
70 359
1
243
159 359
1
244
323
1
359
245
31 359
1
246
57
1
293
475 359, 406
234
406
1
16 406
1
294
18 406
23
1
295
406
1
297
66
121 457
1
384
67 457
1
385
28275
योग
निजी कृषि भूमि में स्थित संरचनाएं
ख. नं.
संपत्ति का विवरण
(2)
(1)
173
नाग मंदिर सार्वजनिक
292
मकान-7
425
मकान -1
176/1
मकान-1
182/1
मकान-2
मकान-3
286
मकान-2
294
295
मकान-6
299
मकान -3 , पशुबाड़ा-2
300
मकान-2
304
मकान-2
308
पशुबाड़ा-1
309
मकान-3 , पशुबाड़ा -1
पानी की टंकी
316
319/3
मकान-3 , पशुबाड़ा-1
320
हौज -1
324
मकान-1
332
मकान -2 , लेट्रिन-2 , गोबरगैस -2 ,
पशुबाड़ा-5, हौज-1 , बाथरूम -1 333, 334
मकान-5 , पशुबाड़ा -1
335
पशुबाड़ा-2
340/2
मकान-1
341
पशुबाड़ा-2 , हौज -2
345/1
पशुबाड़ा -1
345/2
पशुबाड़ा-1
360
गोबर गैस -3 , कुंआ पक्का-1 भाग 1 ]
625
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
362
पशुबाड़ा -1
363
मकान -5
369
पशुबाड़ा-1 , हौज-1 , घुवाण-1
गोबरगैस -1
370/1
370/2
हौज-1 , घुवाण -1
372
पशुबाड़ा-1
375, 376
पशुबाड़ा-1
380
पशुबाड़ा-1 , हौज -1
385
पशुबाड़ा-1 , हौज-1 '
398
पशुबाड़ा-1 , पानी की टंकी-1 400
पानी की टंकी, लेट्रिन -1 , गोबरगैस -1 402
नाग डेरी -1
403
पशुबाड़ा-1 , पानी का हौज -1 , लेट -1 ,
बाथरूम -1 ; घुवाण-1
404
पशुबाड़ा-1
409
मकान-1
413
मकान-4
420/2
पशुबाड़ा-1 , लेट्रिन -1
426
मकान -1 , लेट्रिन-1 , बाथरूम -1 430
मकान -1 , पशुबाड़ा -1
434
मकान-5
446
पशुबाड़ा-2
447
पशुबाड़ा-1
450/1
मकान -2 , पशुबाड़ा -1
451/2
मकान-1
शासकीय भूमि में स्थित संरचनाएं
ख. नं.
संपत्ति का विवरण (1)
मद (2)
(3)
268/1
नि. चरागाह सार्वजनिक पशु पानी पीने का
हौज -1
284
मकान -1
ना.का. चरनोई
348
रास्ता
मकान-2
461
नि.चरागाह कुंआ पक्का-1 , सार्वजनिक, दरगाह -1 , माता की झीरी- 1 , मोटरघर -1 , कब्रस्तान -1 (मुस्लिमसह समाज ईदगाह )
मकान-1
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- महेश्वर जल विद्युत् परियोजना के डूब क्षेत्र में आने के कारण.
(3) भूमि का नक्शा ( प्लान ) 1. कलेक्टर, जिला खरगोन, 2. भू- अर्जन अधिकारी महेश्वर जल विद्युत् परियोजना मण्डलेश्वर खरगोन, 3. कार्यपालन अभियंता ( सिविल) महेश्वर जल विद्युत् परियोजना/म.प्र.रा.वि.मं. मण्डलेश्वर, 4. महाप्रबंधक , श्री महेश्वर हायडल पॉवर कार्पोरेशन लिमि. , मण्डलेश्वर के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 244- भू-अर्जन-2012 .- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक , सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- खरगोन
(ख ) तहसील- बड़वाह
(ग) ग्राम- नगावां- II
( घ) लगभग क्षेत्रफल- 20528 वर्गमीटर आबादी भूमि एवं उस पर स्थित संरचनाएं तथा निजी कृषि भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संरचनाएं.
सर्वे नंबर
मोहल्ला शीट क्रमांक
क्षेत्रफल (वर्गमीटर में)
प्लाट नम्बर/ भू-खण्ड क्रमांक
(3)
(4) (2)
(1)
45
1
11
60
1
16
45
47 45
1
17
18 45
1
54
19
100
34
43
1
100
1
35
38 100
1
36
66 100
1
52
245
1
55
66 100
100
1
56
85 626
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
(3)
(4) 100
1
57
57 100
1
58
70 100
1
59
132
1
100
61
187 100
1
63
70 100
1
66
61 100
1
64
64 100
1
65
63 100
1
67
66 100
1
68
52 100
1
78
84 100
1
79
55
80
100
1
52 100
1
80/366
41 100
1
92
188 100
1
99
162 100
1
100
170
1
100
102
127 100
1
103
1005 100
1
104
81 100
1
105
94
1
100
120
75 100
1
121
86 100
1
122
190 100
1
123
174 100
1
124
109 100
1
125
67 100
1
126
176 100
1
136
87 100
1
137
94 100
1
186
138
100
1
160
139
100
1
140
430 100
1
142
62 100
1
211
143
100
1
144
103 100
145
1
150
1
146
100
46 100
1
147
37 100
148
1
150
1
100
120
149
(2)
(4) (1)
(3)
100
1
150
340 100
1
151
75 100
1
154
152
212 1
100
154
67 100
1
155
100
1
156
15
95
158
100
1
159
266 100
1
160
100
1
225 1
13 100
161
162
1
67 100
163
100
1
78
71 100
1
164
165
1
100
85 100
1
167
160
1
100
169
47 100
1
170
47
76 100
1
171
105 100
1
172
100
1
182
134 1
100
184
141
185
100
1
127 100
1
186
68
71 100
1
189 Peki
100
31 1
191
100
1
192
30 1
100
193
30
1
194
31 100
1
195
100
67 100
1
196
19 100
1
115
198
100
48 1
199
1
200
132 100
100
1
202
42 1
203
196 100
1
45 100
204
196 100
1
205
1
229 100
207
1
208
310 100
155 100
1
208/369
1
577 100
210 भाग 1 ]
627
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
(3)
(4) 100
1
211
64 100
1
211/368
59 100
212
209
1
100
1
213
119 100
1
145
214
100
1
215
135 100
1
168
216
100
1
217
159 100
1
219/374
66 100
1
219/373
98 100
1
219/371
160 100
1
219/372
352 100
1
221
71 100
1
222
107 100
1
223
224 100
1
224
139
1
100
225
121 100
1
226
87 100
1
227
80 100
1
228
52
1
100
230
75 100
1
239
110 100
1
241
88 100
1
242
50 100
1
243
54 100
1
244
49 100
1
245
43 100
1
246
273 100
1
247
30 100
1
248
126 100
1
336
249
100
1
251
300 100
1
251/376
368 100
1
252
344
1
100
254
168 100
1
255
162 100
1
256
277 100
1
257
66 100
1
258
68 100
1
259
132 100
1
260
51 (2)
(1)
(3)
(4) 100
1
53
261
100
1
262
55 100
1
263
96 100
1
264
73 100
1
265
398 100
1
266
312 100
1
210
219/370
100
1
324
118
1'
109
268
14 109
1
269
85 1
109
270
31 1
271
109
12
272
109
1
60
1
92
323
27 1
325
130 92
92
1
326
40 1
92
327
56
328
74 92
1
1
92
329
109 1
92
330
58 92
1
69
331
334
92
1
33 92
1
335
22 1
336
40 48/2, 92
92
1
337
58 1
92
338
48 92
1
46
339
340
92
1
89 1
92
343
30 1
92
344
60 1
92
345
90 92
1
347
85
348
53 1
92
1
349
50 92
1
44 92
350
92
1
351
190
353
1
92
75 92
1
356
60 92
1
358
72 1
360
40 92
92
1
361
73 628
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
(3)
(4) 92
1
362
61 92
1
36
363
योग .. 20528 निजी कृषि भूमि में स्थित संरचनाएं
ख. नं.
संपत्ति का विवरण
(1)
(2)
7/2
मकान-1
15
मकान-1
37
टीनशेड-1
108/1
मकान -1 , गोडाउन -1 , गोबर गैस -1 111 , 112
मकान-3
10
मकान-20 , पशुबाड़ा-2 , टीनशेड -1 14
मकान -1
99
टीनशेड-1
101
गोबर गैस -1 , पानी हौज -1 102
मकान -1 , गोबर गैस-1 , पानी हौज-1 107/2
पशुबाड़ा-1 , गोबर गैस -1 107/4
पशुबाड़ा-1 , गोबर गैस -2 शासकीय भूमि में स्थित संरचनाएं
ख. नं.
मद
संपत्ति का विवरण (1)
(2)
(3)
3
नि. चरनोई मकान -1 , पंपहाउस -4 , पाईपलाईन -19
(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है - महेश्वर जल विद्युत् परियोजना के डूब क्षेत्र में आने के कारण.
(3) भूमि का नक्शा ( प्लान ) 1. कलेक्टर, जिला खरगोन, 2. भू- अर्जन अधिकारी महेश्वर जल विद्युत् परियोजना मण्डलेश्वर खरगोन , 3. कार्यपालन अभियंता ( सिविल ) महेश्वर जल विद्युत् परियोजना/म.प्र.रा.वि.मं. मण्डलेश्वर, 4. महाप्रबंधक, श्री महेश्वर हायडल पॉवर कार्पोरेशन लिमि. , मण्डलेश्वर के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है .
[भाग 1 क्र. 245 - भू- अर्जन-2012 . चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
( क) जिला- खरगोन
(ख ) तहसील- भगवानपुरा
( ग) ग्राम- धूलकोट
(घ) लगभग क्षेत्रफल- 11.669 हेक्टर.
खसरा नम्बर
रकबा
(हे. में)
(2) (1)
21/2/1
0.312 21/2/2
0.405 21/6
0.061 45/1/1
0.025 46/3/1
0.271 46/4
0.546 46/6
0.316 46/7
0.048 46/9
0.299 46/10
0.020
0.142 47/2
48/1
0.336 48/4
0.044 48/5
0.202
0.473 48/6
52/5
0.202 52/6
0.072
0.170 53/1/1
57/1
0.130
0,120 57/2
0.130 57/3
0.072 57/4
57/5
0.041 58
0.437 60/5
0.016
0.044 78/1
79
0.485 भाग 1 ]
629
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2) 80/3
0.025 80/4
0.128 83/1
0.041 50/4/1
0.119 50/4/2
0.528 51/1
0.469 51/2
0.461 51/3
0.534 51/4/1
0.214 51/4/2
0.101 51/4/3
0.101 52/1/2
0.253 52/1/3
0.407 52/2
0.403 52/3
0.166 52/4
0.221 83/2
0.080 83/3
0.081 84/1
0.279 95/3
0.020 85/2
0.024 86/1
0.287 86/2
0.202 86/3
0.065 87/1/3
0.041 87/2
0.517 89/1
0.020 89/2
0.324 89/3
0.139
योग
11.669 (2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है--- खारक जलाशय परियोजना की मुख्य नहर के निर्माण हेतु.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कलेक्टर, जिला खरगोन, अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी, खरगोन एवं कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग , खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 247 - भू-अर्जन- 2012.-चूंकि , राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक , सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन---
(क) जिला- खरगोन
(ख ) तहसील- कसरावद
(ग ) ग्राम-डोमवाडा बुजुर्ग
(घ ) लगभग क्षेत्रफल-2.974 हेक्टर .
खसरा नम्बर
रकबा (हेक्टर में) (1)
(2) 145/1/1
0.470
0.690 145/2
147/1
0.324 158/1
0.615 159/1
0.125
0.186 161
0.275 164/1
228/1/1
0.289
योग .. 2.974 ( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- डोमवाडा तालाब योजना के डूब क्षेत्र में आने के कारण.
( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कलेक्टर, जिला खरगोन, अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी, कसरावद एवं कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग , खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
खरगोन, दिनांक 10 फरवरी 2012
क्र. 263 - भू- अर्जन- 2012.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है: -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क ) जिला- खरगोन
(ख) तहसील- झिरन्या 630
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(ग ) ग्राम- कुसुम्बिया
(घ) लगभग क्षेत्रफल-49.635 हेक्टर .
खसरा नम्बर
रकबा
(हेक्टर में) (1)
(2) 41
1.640 64
0.364 66
1.271 68
0.307
1.817 69
70/1
0.607 70/2
0.506 71/1
1.619 71/2
0.619 74/2
1.214 74/3
1.506 75
5.265 77/1
1.445 77/2
1.153 78
1.558 124
2.338 127/1
1.056 127/2
0.518 127/3
0.708 127/4
0.785 127/5
0.648 127/6
0.607 127/9
0.500 128/1
0.525 128/2
1.169 128/3
0.907 128/4
0.907 130/1
1.214 130/2
1.210 131
0.166 81/1
3.594 81/2
1.817 109/5
1.012
[ भाग 1
(2) (1)
0.405 109/7
109/9
0.708 109/10
0.809 109/11
0.911
0.607 109/12
0,832 123
0,850 132
0.265 133/3
0.289 133/4
173/1
0.186
0.607 173/2
0,400 174/4
1.376 174/5
174/6
0.260
0.450 184/4
184/5
0.108
योग 49.635 ( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- करेली नाला तालाब योजना के शीर्ष कार्य के निर्माण एवं डूब क्षेत्र हेतु भूमि की आवश्यकता.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कलेक्टर, जिला खरगोन, अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी, भीकनगांव एवं कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग, खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, नवनीत मोहन कोठारी , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर , जिला झाबुआ, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
झाबुआ , दिनांक 9 फरवरी 2012
क्र. 445 - भू- अर्जन- 2011- रा. प्र. क्र. अ- 82-2011- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भाग 1 ]
631
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत , इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन--
(क ) जिला- झाबुआ
(ख) तहसील-पेटलावद
(ग) ग्राम- सुल्तानपुर
(घ) लगभगभ क्षेत्रफल-1.70 हेक्टेयर.
निजी भूमि
सर्वे नम्बर
रकबा
(हे. में)
(1)
(2)
193
0.07
199/1
0.04
199/2
0.08
200
0.10
229
0.05
230
0.04
317
0.22
318
0.03
319
0.22
341
0.30
342
0.11
345
0.06
361
0.10
362
0.20
363
0.08
योग .. 1.70
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- माही परियोजना की महुडीपाड़ा माईनर नहर के निर्माण होने से ग्राम सुल्तानपुरा की निजी भूमि की कुल रकबा 1.70 हेक्टेयर है .
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , पेटलावद के कार्यालय में देखा जा सकता है .
क्र. 447 - भू- अर्जन- 2011- रा.प्र.क्र.अ-82-2011 - चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- झाबुआ
(ख ) तहसील- पेटलावद
(ग ) ग्राम- बडलीपाड़ा
लगभगभ क्षेत्रफल-1.61 हेक्टेयर .
(घ)
निजी भूमि
सर्वे नम्बर
रकबा
(हे. में )
(2)
(1)
236
0.09
237
0.08
0.08
238
0.16
239
251
0.13
261
0.12
262
0.08
0.12
263
265
0.17
270
0.10
281
0.32
282
0.12
0.04
355
योग .. 1.61
( 2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- माही परियोजना की सुल्तानपुरा माईनर नहर के निर्माण होने से ग्राम बडलीपाड़ा की निजी भूमि की कुल रकबा 1.61 हेक्टेयर है .
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व) एवं भू-अर्जन अधिकारी , पेटलावद के कार्यालय में देखा जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , जयश्री कियावत , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
632
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
कार्यालय, कलेक्टर, जिला अलीराजपुर, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग अलीराजपुर , दिनांक 10 फरवरी 2012
क्र. भू-अर्जन- 2012-167-प्र. क्र. 5 - अ- 82-2011-12.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन -
(क ) जिला-अलीराजपुर
( ख ) तहसील- चन्द्रशेखर आजाद नगर ( भाबरा ) (ग ) ग्राम- सेजावाडा
(घ) लगभग क्षेत्रफल-4.50 हेक्टर.
सर्वे नंबर
रकबा
(हेक्टर में )
(1)
(2)
35
पैकी 0.03
39
0.10
73
0.06
98
पैकी 0.11
42
0.05
38
पैकी 0.02
50
0.03
37
पैकी 0.02
40
0.03
48
0.04
76
0.16
0.06
41
72
0.06
75
0.16
46
0.04
49
0.04
77
0.16
79
0.48
80
0.26
149
1.58
300
0.25
(1)
(2)
101
पैकी 0.17
296
0.10
297
पैकी 0.06
0.10
298
306
पैकी 0.14
0.15
778
780
0.04
योग .. 4.50
( 2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- सेजावाडा तालाब क्रमांक-03 योजना के शीर्ष कार्य निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्य हेतु.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी, जोबट तथा कार्यपालन यंत्री, जल. संसाधन संभाग, अलीराजपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है.
क्र. भू- अर्जन- 2012-169- प्र. क्र. 6-अ- 82-2011-12.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- अलीराजपुर
(ख ) तहसील- चन्द्रशेखर आजाद नगर ( भाबरा ) (ग) ग्राम-किलाना
(घ) लगभग क्षेत्रफल- 13.10 हेक्टर .
सर्वे नंबर
रकबा (हेक्टर में)
(1)
(2)
212
पैकी 0.25
577
पैकी 0.20
217
पैकी 0.10
218
पैकी 0.36
220
0.64
213
0.17
515
पैकी 0.07 भाग 1 ]
633
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2) 574
पैकी 0.12 575
पैकी 0.15 224
पैकी 0.06 472
0.10 459
0.71 487
0.18 474
0.51 511
पैकी 0.15 461
0.39 463
0.35 465
0.26 502
पैकी 0.03 503
पैकी 0.02 462
0.42 464
0.21 473
0.37 514
पैकी 0.10 513
पैकी 0.34 512
पैकी 0.18 476
0.54 478
0.55 479
0.44 480
0.31 481
0.34 482
0.16 483
0.87 486
0.33 484
0.63 490
0.63 500
0.64 488
0.05 489
0.12 499
0.25 501
पैकी 0.07 493
पैकी 0.17 545
पैकी 0.15 546
पैकी 0.16 547
पैकी 0.03 582
पैकी 0.02 586
पैकी 0.12 585
पैकी 0.08
योग 13.10 ( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है-झीरण सिंचाई तालाब योजना के शीर्ष कार्य निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्य हेतु.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , जोबट तथा कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग , अलीराजपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है.
क्र. भू-अर्जन-2012-173-प्र. क्र. 07-अ-82--2011-12.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत , इसके द्वारा, यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन -
(क) जिला-अलीराजपुर
(ख ) तहसील - जोबट
(ग ) ग्राम- जवास
(घ ) लगभग क्षेत्रफल- 20.46 हेक्टर.
सर्वे नंबर
रकबा
(हेक्टर में)
(1)
(2)
2
0.23
7
पैकी 1.05
0.40
3
4
1.39
0.03
5
0.49
28
31
0.75
32
पैकी 0.81
35
0.40
45
0.35
83
पैकी 0.64
0.81
6
8
1.49
85
0.61
96
पैकी 2.04
98
पैकी 0.04
10
0.78 634
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
13
1.19
25
पैकी 0.36
26
1.02
33
पैकी 0.56
43
0.25
47
पैकी 0.25
19
पैकी 0.10
22
0.04
29/1
0.23
29/2
0.23
30
0.26
36
0.02
40
0.07
44
0.13
48
पैकी 0.57
77
पैकी 0.05
78
पैकी 0.06
39
पैकी 0.58
41
0.18
49
पैकी 0.32
51
0.14
53
पैकी 0.07
86
0.57
87
0.36
92
पैकी 0.11
88
पैकी 0.22
99
पैकी 0.10
54
पैकी 0.11
योग 20.46
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए भूमि की आवश्यकता है-झीरण सिंचाई तालाब योजना के शीर्ष कार्य निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्य हेतु.
( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , जोबट तथा कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग, अलीराजपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है.
क्र. भू-अर्जन- 2012-175-प्र. क्र. 08-अ-82-2011-12 .- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक , सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन -
(क) जिला-अलीराजपुर
(ख ) तहसील- जोबट
(ग) ग्राम- उबगारी
(घ ) लगभग क्षेत्रफल- 17.42 हेक्टर.
सर्वे नंबर
रकबा
(हेक्टर में )
(2)
(1)
पैकी 0.02
113
पैकी 0.18
146
115
पैकी 0.60
0.68
142
141
0.09
पैकी 0.08
145/2
190
0.20
1.07
193
194
0.44
0.40
196
197
0.61
209
1.33
195
0.42
208
0.59
पैकी 0.10
199
200
0.15
201
0.19
202
0.10
0.06
518
203
0.39
0.52
204
205
0.64
1.11
206
211
0.12
212
पैकी 0.70
221
पैकी 0.05
213/1
0.67
पैकी 0.25
494
पैकी 0.20
495
496
पैकी 0.25
497
पैकी 0.20
पैकी 0.05
498 भाग 1 ]
635
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
524
पैकी 0.15
499
0.30
509
0.61
510
0.33
511
0.80
517
पैकी 0.60
512
0.40
513
0.42
514
0.62
554
पैकी 0.09
555
पैकी 0.07
556
पैकी 0.05
558
पैकी 0.10
505
0.42
योग .. 17.42
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए भूमि की आवश्यकता है- उबगारी तालाब योजना के शीर्ष कार्य निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्य हेतु.
( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , जोबट तथा कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग , अलीराजपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है .
क्र. भू-अर्जन- 2012-171- प्र. क्र. 09- अ- 82-2011-12.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत , इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :--
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला-अलीराजपुर
(ख) तहसील- जोबट
(ग ) ग्राम- बडीजुवारी
(घ) लगभग क्षेत्रफल-2.55 हेक्टर.
सर्वे नंबर
रकबा (हेक्टर में)
(1)
(2)
624
0.14
(2)
(1)
625
0.08
636
पैकी 0.15
637
0.20
646
0.25
635
पैकी 0.15
642
0.08
पैकी 0.10
641
644
पैकी 0.50
645
पैकी 0.30
648
पैकी 0.25
652
पैकी 0.35
योग .. 2.55
(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन के लिए भूमि की आवश्यकता है- उबगारी तालाब योजना के शीर्ष कार्य निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्य हेतु.
( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , जोबट तथा कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग , अलीराजपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है.
क्र. भू-अर्जन- 2012-177- प्र. क्र. 10-अ- 82-2011-12 .-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत , इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन -
(क) जिला-अलीराजपुर
(ख ) तहसील- चन्द्रशेखर आजाद नगर ( भाबरा ) (ग) ग्राम-झीरण
(घ) लगभग क्षेत्रफल-2.50 हेक्टर .
सर्वे नंबर
रकबा
(हेक्टर में)
(2)
(1)
232
पैकी 0.04
235
पैकी 0.05
239
1.07
507
पैकी 0.52 636
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
254
पैकी 0.13
256
पैकी 0.10
262
पैकी 0.07
509
0.15
510
0.17
511
0.20
योग .. 2.50
(2) सार्वजनिक प्रयोजन के लिए भूमि की आवश्यकता है- झीरण सिंचाई तालाब योजना के शीर्ष कार्य निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्य हेतु.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , जोबट तथा कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग , अलीराजपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय में देखा जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, राजेन्द्र सिंह, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला खण्डवा , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग
खण्डवा , दिनांक 13 फरवरी 2012
नस्ती क्र. 112-2011 - एल.ए. भू-अर्जन-प्र. क्र. 66-अ-82-10-11- शुद्धि- पत्र. पुनासा उद्वहन सिंचाई योजना के अन्तर्गत वितरण पाईप लाईन हेतु ग्राम मोहद , तहसील पुनासा, जिला खण्डवा के भू-अर्जन प्रकरण क्र. 66-अ-82-10-11 में भू-अर्जन अधिनियम, 1894 की धारा 6 की उद्घोषणा का प्रकाशन , मध्यप्रदेश राजपत्र भाग -1 , में दिनांक 18 नवम्बर 2011 को, नई दुनिया समाचार पत्र में दिनांक 17 नवम्बर 2011 को, राज एक्सप्रेस में दिनांक 18 नवम्बर 2011 एवं आम इश्तहार दिनांक 30 नवम्बर 2011 को हुआ है. उक्त उद्घोषणा में निम्नानुसार संशोधन पढ़ा जावेः--
सही संशोधित प्रविष्टि
पूर्व प्रकाशित प्रविष्टि
प्रकाशन जिसमें हुआ
खसरा नंबर (1)
(2)
94
मध्यप्रदेश राजपत्र भाग -1 में दिनांक 18-11-2011
101/1
272
94
नई दुनिया समाचार - पत्र में दिनांक 17-11-2011
101/1
272
94
राज एक्सप्रेस में दिनांक 18-11-2011
101/1
272 खसरा नंबर
रकबा ( हे.में) (3)
रकबा (हे.में. ) (2)
(1)
0.01
94
0.02
98
0.01
0.06 0.07
101/1
100
0.01
272
0.02 0.07
0.05
276
0.01 0.02
0.01
94 98
0.07
101/1
0.06
0.01 0.07
0.02
0.05
100 272 276
0.02
0.01
94
0.01
98
0.06 0.07
101/1
100
0.01 0.07
0.02 0.05
272 276 भाग 1 ]
637
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2) आम इश्तिहार में
94 दिनांक 30-11-2011
101/1
272 उक्त प्रकाशन उद्घोषणा में कुल अर्जनीय रकबा 6.91 है. यथावत् रहेगा.
कार्यालय , प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, जिला रीवा, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग रीवा , दिनांक 13 फरवरी 2012
क्र. 308 - भू-अर्जन- कार्य- 200.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 , ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि निजी शासकीय भूमि पर स्थित भूमि के अर्जन हेतु आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- सतना
(ख) तहसील- रघुराज नगर
(ग) नगर/ ग्राम- पवइया कोठार
( घ ) लगभग क्षेत्रफल-0.098 हेक्टेयर.
खसरा
नम्बर
(1)
अर्जित भूमि (हे . में) (2)
317
0.098 योग . 0.098
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत पुरवा नहर के वितरण मुख्य माइनर एवं सब - माइनरों के अन्तर्गत आने वाली निजी/शास . भूमि पर स्थित सम्पत्तियों के अर्जन हेतु .
(3)
(1)
(2)
0.01 0.02
94
0.01
98
0.07
101/1
0.06
100
0.01
0.02
272
0.07
276
0.05 मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, कवीन्द्र कियावत, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.
रीवा , दिनांक 15 फरवरी 2012
क्र. 342 - प्रशासक- भू-अर्जन-2009-10. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2) में उल्लिखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 , ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि निजी/ शासकीय भूमि पर स्थित भूमि के अर्जन हेतु आवश्यकता है : -
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन -
(क) जिला- रीवा
(ख ) तहसील- सेमरिया
(ग ) नगर/ग्राम - बरौं
(घ ) लगभग क्षेत्रफल-0.096 हेक्टेयर.
खसरा
रकबा
नम्बर
(हे. में )
(2)
(1)
2383
0.096
0.096
योग ..
(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बरौं सब- माइनर नहर के अन्तर्गत में आने वाली निजी/शासकीय भूमि पर स्थित भूमि के अर्जन हेतु.
638
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. बी. श्रीवास्तव, प्रशासक एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला छतरपुर , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग छतरपुर, दिनांक 16 फरवरी 2012
प्र. क्र. 10-अ- 82-2010-11.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत , इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन -
(क) जिला- छतरपुर
(ख ) तहसील- लवकुश नगर
(ग ) ग्राम- रानीपुरा , प. हल्का नं. 26
(घ ) लगभग क्षेत्रफल ( निजी भूमि ) - 8.163 हेक्टर.
खसरा क्र.
अर्जित रकबा
(हे. में)
(2) (1)
549
0.030 550
0.172 551
0.288 552/1
0.244 552/2
0.030 553
0.057 739/1/1
0.179
0.126 739/1/2
0.390 739/2
747
0.070 748
0.186
0.273 752/1
752/2/1
0.030 753
0.206
[ भाग 1
(2) (1)
0.020 754/1
0.018 758/1
0.014 758/2/1
0.018 758/2/2
0.022 758/3
0.018 758/4
759
0.032 761/1
0.104
0.072 763
0.010 764
765/1
0.364
0.032 765/2
768/1
0.115
0.010 768/2
0.064 769
770
0.156 771
0.060 774
0.050
0.110 779
0.010 783/1
784
0.084
0.120 794
795
0,400
0.020 799
800
0.211
0.096 808
809
0.049 810
0.112 811/1
0.045
0.045 811/2
813
0.053 814
0.056 817
0.057 818
0.150
0.015 830/1
832/1
0.190 838
0.104 839
0.112 840
0.112 841
0.130
0.224 843
0.067 844
845
0.235
0.010 919
920
0.158 भाग 1 ]
639
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2) 921
0.028
0.010 923
927
0.220 929/1
0.096 930
0.154 931
0.040 940
0.144 941
0.115 942
0.010 944
0.105 945
0.010 946/1
0.020 946/2
0.071 947
0.057 948
0.045 949
0.145 950
0.032 952
0.048 967
0.084 968
0.025 969
0.030 970
0.009 983
0.010 92
0.220
8.163
योग.
( 2 ) सिंहपुर बैराज परियोजना अंतर्गत मुख्य नहर हेतु सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है .
( 3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) लवकुश नगर में किया जा सकता है .
प्र. क्र. 35- अ-82-2010-11-12.-चूंकि , राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
( क) जिला- छतरपुर
( ख ) तहसील- लवकुश नगर
(ग) ग्राम- टूड़ा ( लक्ष्मनपुरा )
(घ) लगभग क्षेत्रफल , निजी भूमि-0.648 हेक्टेयर.
खसरा क्रमांक
अर्जित रकबा (हे. में) (1)
(2)
0.240 572/1, 572/3
617
0.154 616/3
0.048
0.206 616/1 , 616/2
योग . 0.648 (2 ) सिंहपुर बैराज परियोजना अंतर्गत शाखा/उपशाखा नहर हेतु सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है .
(3) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) लवकुश नगर में किया जा सकता है .
प्र. क्र. 40 - अ- 82-2010-11-12. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क ) जिला- छतरपुर
(ख ) तहसील- लवकुशनगर
(ग) ग्राम-रेखा
( घ) लगभग क्षेत्रफल, निजी भूमि-4.924 हेक्टर में.
खसरा क्रमांक
अर्जित रकबा (हेक्टर में)
(2)
(1)
447/2
0.024
435
0.250
433
0.244
56
0.164
0.230
384
314
0.413
0.068
432
440
0.260
61
0.226
59/1
0.054 640
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
427/1
0.010
445
0.250
436
0.125
452
0.288
454
0.182
421
0.197
58
0.017
457
0.256
446
0.020
426
0.026
425
0.163
431
0.012
447/1
0.095
117
0.163
60
0.068
424
0.182
388
0.173
0.154
389
383
0.125
317
0.125
51
0.017
119/1
0.231
78
0.112
योग : 4.924
(2 ) सिंहपुर बैराज परियोजनांतर्गत शाखा/उपशाखा नहर हेतु सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है .
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) लवकुशनगर में किया जा सकता है .
प्र. क्र. 41 - अ-82-2010-11-12.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- छतरपुर
(ख ) तहसील - लवकुशनगर
(ग ) ग्राम-पीरा
[भाग 1 (घ ) लगभग क्षेत्रफल, निजी भूमि-0.669 हेक्टर में.
खसरा
क्रमांक
अर्जित रकबा (हेक्टर में)
(1)
(2)
0.144
1812/1 , 1812/2
1783
0.024
1782/2
0.092
2406
0.020
1811
0.087
1810
0.041
0.020
1818
1817
0.141
0.052
1816
0.028
1814/1
1815
0.020
योग : 0.669
( 2) सिंहपुर बैराज परियोजनांतर्गत शाखा/उपशाखा नहर हेतु सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है.
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) लवकुशनगर में किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, राहुल जैन , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय, कलेक्टर, जिला सतना, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग सतना, दिनांक 17 फरवरी 2012
क्र. एफ- 1084- भू-अर्जन 12. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है , कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है , कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन (म. प्र. शासन/निजी खाता ) (क) जिला- सतना
(ख) तहसील- मैहर भाग 1 ]
641
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(ग) नगर/ग्राम- अमिलिया खुर्द
(घ) क्षेत्रफल -7.583 हेक्टर.
खसरा
क्षेत्रफल
नम्बर
(1)
(हेक्टर में) (2)
12/1/2
0.042
13/1/2
0.011
14/1/2
1.029
15/2
0.068
0.209
19/3 क 2 , 20/3 क 2
52/2 ग
0.161
53/2 ग
0.018
65/1 ग
0.088
66/1 ग
0.004
52/2 घ
0.322
53/2 घ
0.036
65/1 घ
0.175
66/1 घ
0.009
8/2
0.649
9/2
0.160
56
0.031
72
0.805
73
0.460
74/2
0.794
91
1.017
22
1.359
23
0.042
64
0.094
निजी खाता भूमि योग रकबा 7.583
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये अर्जन आवश्यक हैः- मे. के. जे. एस. सीमेंट प्लांट, मैहर की स्थापना हेतु.
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , कलेक्टर ( भू- अर्जन ) जिला सतना के न्यायालय में किया जा सकता है .
क्र. एफ- 1084- भू-अर्जन 12. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है , कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है, कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन (म. प्र. शासन/निजी खाता) (क) जिला- सतना
(ख) तहसील- मैहर
(ग) नगर/ ग्राम-लखवार
(घ ) क्षेत्रफल - 11.949 हेक्टर.
खसरा
नम्बर
क्षेत्रफल (हेक्टर में)
(1)
(2)
76/1 क
0.042
77/1 क
0.951
0.042
76/1 ख
77/1 ख
0.951
76/2
0.052
77/2
1.793
109/2 ख
0.256
0.557
0.558
68/1
0.105
68/2
0.105
69
0.063
70
0.052
71
0.209
0.031
72
0.417
73/3
10/1
0.951
0.053
0.711
12
13
0.136
14
0.648
15/1
0.063
0.523
16/1 क
15/2
0.063
16/1 ख
0.522
91/1
0.182
94/1
0.021
92
0.439
0.021
93
0.465
95/1
0.465
95/2
108/2
0.502
निजी खाता भूमि योग रकबा 11.949
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये अर्जन आवश्यक हैः- मे. के. जे. एस. सीमेंट प्लांट, मैहर की स्थापना हेतु.
(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , कलेक्टर (भू-अर्जन ) जिला सतना के न्यायालय में किया जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , के. के. खरे, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
642
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
कार्यालय , कलेक्टर , जिला धार, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग धार, दिनांक 16 फरवरी 2012
क्र. 195- प्र. क्र. 08 -अ-82-2011-2012.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है:-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला-धार
(ख ) तहसील- मनावर
(ग) ग्राम- कलालदा
(घ ) लगभग क्षेत्रफल-6.565 हैक्टेयर.
खसरा
रकबा
नम्बर
(हैक्टेयर में)
(2)
(1)
0.930
177/1
177/2/1
0.200
177/2/2
0.210
177/2/3
0.040
176/2
0.020
199/1
0.550
199/4
0.230
200/1
0.490
199/3
0.025
200/2
0.390
200/3
0.250
204
0.030
191/3
0.250
196
0.110
197
0.110
205
0.514
0.210
206
207/1
0.096
192/2
0.700
192/1
0.180
192/3
0.610
211/1
0.250
211/2
0.170
योग : 6.565
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता
[भाग 1 है- औंकारेश्वर उद्वहन नहर परियोजना चतुर्थ चरण (ग्रुप-2 ) के मुख्य नहर निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्यों हेतु.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कलेक्टर धार, भू- अर्जन एवं पुनर्वास अधिकारी , सरदार सरोवर परियोजना, मनावर, जिला धार एवं कार्यपालन यंत्री , नर्मदा विकास संभाग , क्र. 20, मण्डलेश्वर, जिला खरगोन के कार्यालय में कार्यालयीन समय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 201 - प्र. क्र. 09- अ- 82-2011-2012.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची कें पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है:-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
( क) जिला-धार
(ख) तहसील- मनावर
( ग ) ग्राम - गोलपुरा
(घ) लगभग क्षेत्रफल-5.881 हैक्टेयर.
रकबा (हैक्टेयर में )
(2)
खसरा नम्बर (1)
140/4
0.032
150/1/1
0.157
0.110
149/1
150/1
0.020
0.093
150/2
0.187
150/3
150/4
0.187
151/1/2
0.040
0.480
165/1
165/2
0.110
166
0.670
167/1
0.290
0.515
171
0.390
182/3
0.210
182/6
183/2/1
0.395
0.200
183/2/2
183/4
0.175
240/5/1/1
0.150
0.440
240/6/1/1
0.245
240/6/1/3 भाग 1 ]
643
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
240/6/1/2
0.400
240/6/1/4/1
0.385
योग : 5.881
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- औंकारेश्वर उद्वहन नहर परियोजना चतुर्थ चरण ( ग्रुप -2 ) के मुख्य नहर निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्यों हेतु.
( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कलेक्टर धार, भू- अर्जन एवं पुनर्वास अधिकारी , सरदार सरोवर परियोजनां , मनावर, जिला धार एवं कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग, क्र. 20, मण्डलेश्वर, जिला खरगोन के कार्यालय में कार्यालयीन समय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 207- प्र. क्र. 11 -अ- 82-2011-2012.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है:-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- धार
(ख) तहसील- मनावर
(ग) ग्राम-सोण्डूल
( घ ) लगभग क्षेत्रफल- 14.222 हैक्टेयर.
खसरा
रकबा
नम्बर
(हैक्टेयर में )
(1)
(2)
25/1
0.210
27/1
0.620
27/2
0.030
27/3
0.020
42
0.070
.29
0.005
30
0.640
37/5
0.050
31/6
0.050
37/4
0.020
38
0.810
39
1.000
44/1
0.210
44/2
0.050
90/1/1
0.045
90/1/2
0.210
(2)
(1)
0.250
90/2/3
90/2/4
0.180
0.100
90/2/5
99/2
0.200
99/3
0.350
96
0.370
125
0.300
0.375
97/1 , 97/2
123/2
0.140
124
0.180
127
0.150
129
0.100
0.405
129/333/1/1
0.080
129/333/1/2
129/333/1/3
0.010
0.315
179/3
145/1/1
0.190
145/1/2
0.040
145/2
0.150
145/3
0.125
0.125
145/4
145/5
0.150
145/6
0.150
147
0.500
0.030
149
151
0.205
156/1/1
0.450
0.020
156/1/2
156/1/3
0.070
279
0.410
0.050
169
0.025
170
0.250
277/1
0.260
171/1/2/2
0.035
0.240
171/1/2/4
0.240
171/1/2/3
0.370
171/1/3/1
0.025
172/2
173
0.120
0.020
176
175/2/ 1 क
0.200
175/2/ 1 ख
0.170
180
0.370
182/1
0.180
181/1
0.110 644
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
181/5
0.020
181/3
0.150
181/2
0.010
181/4
0.223
184/1
0.070
184/2
0.040
281/2/3
0.130
281/3/2
0.310
278/2
0.100
281/1/4
0.090
281/2/1
0.154
281/4
0.100
योग : 14.222
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- औंकारेश्वर उद्वहन नहर परियोजना चतुर्थ चरण ( ग्रुप-2 ) के मुख्य नहर निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्यों हेतु.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कलेक्टर धार , भू- अर्जन एवं पुनर्वास अधिकारी , सरदार सरोवर परियोजना, मनावर, जिला धार एवं कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग, क्र. 20, मण्डलेश्वर, जिला खरगोन के कार्यालय में कार्यालयीन समय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 216 - प्र. क्र. 12 -अ-82-2011-2012.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है: --
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- धार
(ख) तहसील- मनावर
(ग ) ग्राम-पेटलावद
(घ) लगभग क्षेत्रफल- 1.150 हैक्टेयर.
खसरा
रकबा
नम्बर
(हैक्टेयर में)
(2)
(1)
113/1/5
0.060
113/1/7
0.090
115/2
0.040
114
0.500
116
0.410
117
0.050
योग : 1.150
[भाग 1 (2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- औंकारेश्वरं उद्वहन नहर परियोजना चतुर्थ चरण ( ग्रुप-2 ) के मुख्य नहर निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्यों हेतु.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कलेक्टर धार, भू- अर्जन एवं पुनर्वास अधिकारी , सरदार सरोवर परियोजना, मनावर, जिला धार एवं कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग , क्र. 20, मण्डलेश्वर , जिला खरगोन के कार्यालय में कार्यालयीन समय में अवलोकन किया जा सकता है.
धार, दिनांक 17 फरवरी 2012
क्र. 225 - प्र. क्र. 07 - अ- 82-2011-2012.- चूंकि , राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है:-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- धार
(ख ) तहसील- मनावर
(ग) ग्राम-बंजारी
(घ) लगभग क्षेत्रफल-8.335 हैक्टेयर.
खसरा
रकबा
नम्बर
(हैक्टेयर में)
(2)
(1)
25/4
0.450
0.620
100/2
0.420
25/3
53/2
0.101
56
0.110
0.455
57
60
0.410
61/1/2
0.073
61/1/3
0.045
0.700
89/1
0.100
90/2
0.360
86/1
0.236
97/2
86/2
0.700
0.220
97/4
86/3/2
0.085
86/3/7
0.215
0.070
86/3/3
86/3/5
0.235
0.120
86/3/4 भाग 1 ]
645
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
(1)
(2)
86/3/6
0.215
86/3/8
0.050
89/2
0.270
88/3
0.035
90/1
0.650
91/4
0.225
97/3
0.220
97/6
0.410
102/1
0.130
102/3
0.110
102/2
0.110
125/1
0.170
0.015
127/2
योग : 8.335
(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- औंकारेश्वर उद्वहन नहर परियोजना चतुर्थ चरण (ग्रुप -2 ) के मुख्य नहर निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्यों हेतु.
(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कलेक्टर धार, भू- अर्जन एवं पुनर्वास अधिकारी , सरदार सरोवर परियोजना, मनावर, जिला धार एवं कार्यपालन यंत्री , नर्मदा विकास संभाग , क्र. 20 , मण्डलेश्वर, जिला खरगोन के कार्यालय में कार्यालयीन समय में अवलोकन किया जा सकता है .
क्र. 219 - प्र. क्र. 10-अ-82-2011-2012.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है :-
अनुसूची
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला- धार
(ख) तहसील-मनावर
(ग) ग्राम- सुलीबर्डी
(घ ) लगभग क्षेत्रफल - 12.915 हैक्टेयर.
खसरा
रकबा
नम्बर
(हैक्टेयर में)
(1)
(2)
215/1
0.065
215/2
0.060
217/3
0.720
217/2/1
0.580
217/2/2
0.090
(1)
(2)
265/1
0.270
221/1/1
0.380
221/2
0.020
0.360
214/354/2
0.390
214/354/1
222/1/1/3
1.200
0.060
226/2
222/1/1/4
0.625
223
1.010
224/1/2
0.263
224/2
0.210
0.180
225
226/3
0.140
267
0.500
320/1
0.225
0.401
303/3/1/1/5
302/2
0.210
302/3
0.140
302/10
0,100
303/1/1/1/2
0.050
302/4
0.240
302/8
0.070
0.225
302/5
1.130
302/6
302/9
0.060
305
0.025
306/1
0.430
306/2
0.121
308
0.437
312
0.480
0.225
321/1
321/2
0.480
322/4
0.035
322/3
0.250
322/5
0.300
326/3
0.138
327 पैकि
0.020
योग : 12.915
( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- औंकारेश्वर उद्वहन नहर परियोजना चतुर्थ चरण (ग्रुप -2 ) के मुख्य नहर निर्माण एवं उससे संबंधित अन्य कार्यों हेतु.
( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कलेक्टर धार, भू- अर्जन एवं पुनर्वास अधिकारी, सरदार सरोवर परियोजना , मनावर, जिला धार एवं कार्यपालन यंत्री, नर्मदा विकास संभाग , क्र. 20 , मण्डलेश्वर, जिला खरगोन के कार्यालय में कार्यालयीन समय में अवलोकन किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एम. शर्मा , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
646
उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश, जबलपुर जबलपुर, दिनांक 3 फरवरी 2012
क्र. 164-गोपनीय- 2012-दो- 2-1-2012-( भाग- ए) .-न्यायिक अधिकारीगण , जिनके नाम व पदस्थापना की जानकारी पृष्ठांकन में दी गई है को, न्यायिक अधिकारी प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान, प्रथम तल, उत्सादित राज्य प्रशासनिक अधिकरण बिल्डिंग , जबलपुर में " कार्यशाला " " Advance Course Training Programme" , जो दिनांक 27 फरवरी 2012 से 3 मार्च 2012 तक की अवधि के लिये आयोजित है , न्यायिक अधिकारी प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान, प्रथम तल, उत्सादित राज्य प्रशासनिक अधिकरण बिल्डिंग , जबलपुर में , दिनांक 27 फरवरी 2012 को प्रातःकाल ठीक 9:30 बजे अवश्यमेव उपस्थित होने हेतु निर्दिष्ट किया जाता है.
प्रशिक्षण की शर्तें निम्नवत होंगी :-
1. अपरिहार्य मामलों को छोड़कर कोई भी न्यायिक अधिकारी प्रशिक्षण कालावधि में समायोजन की मांग नहीं करेगा . समायोजन पत्र यदि कोई हो तो संस्थान को बिना किसी विलंब के जिला एवं सत्र न्यायाधीश के माध्यम से भेजा जावे , जिससे कि संचालक समायोजन के कारणों पर विचार कर तद्नुसार प्रशिक्षण कार्यक्रम में समायोजन कर सकें.
2. न्यायिक अधिकारियों को निर्देशित किया जाता है कि वे न्यायिक अधिकारी प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान , प्रथम तल, उत्सादित राज्य प्रशासनिक अधिकरण बिल्डिंग, जबलपुर में , दिनांक 27 फरवरी 2012 को प्रातःकाल ठीक 9:30 बजे अवश्यमेव उपस्थित होवें .
3. न्यायिक अधिकारियों को निर्देशित किया जाता है कि वे निर्धारित पोशाक यथा काला कोट, सफेद शर्ट, ग्रे पेंट तथा काली टाई में उचित प्रकार से सुसज्जित होकर प्रशिक्षण में उपस्थित होंवें तथा महिला न्यायिक अधिकारी सफेद साड़ी, ब्लाउज व काले कोट में उपस्थित होवें.
4. वे न्यायिक अधिकारी जिन्हें " Advance Course Training Programme " में उपस्थित होना है वे प्रशिक्षण में उपस्थित होते समय उनके द्वारा निम्न प्रकरणों में पारित / तैयार निर्णयों की एक प्रति अपने साथ अवश्य लावें :-
(1 ) सत्र प्रकरण का निर्णय जिसमें साक्षी पक्ष द्रोही न हुआ हो,
(2 ) व्यवहार वाद ( अ ) का निर्णय ,
( 3) व्यवहार वाद अपील ( अ) का निर्णय ,
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1
उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं
(4) आपराधिकअपील / रिवीजन का निर्णय .
5. न्यायिक अधिकारियों को निर्देशित किया जाता है कि वे जिन विधिक समस्याओं / विषयों पर चर्चा चाहते हों, को प्रशिक्षण केन्द्र के फैक्स नं. 0761-2626945 पर समय रहते अग्रिम प्रेषित करें.
6. टी. ए. एवं डी. ए. केवल शासकीय नियमों के अधीन ही देय होंगे , जिनके संबंध में निर्देश जिला एवं सत्र न्यायाधीश को भेजे जा चुके हैं.
7. प्रशिक्षण सत्र में अनुपस्थित रहने अथवा उक्तानुसार वर्णित किसी भी शर्तों का उल्लंघन अनुशासनहीनता माना जावेगा.
8. न्यायिक अधिकारियों को उनके कार्यक्रम के अनुसार रेल्वे स्टेशन के प्लेटफार्म क्रमांक -1 के मुख्य द्वार पर वाहन की व्यवस्था की जावेगी, जो कि प्रशिक्षण प्रारंभ होने की तिथि के एक दिन पूर्व के दिवस को अपरान्ह से शुरू होकर प्रशिक्षण के समाप्त होने की तिथि की अगली दिनांक के प्रातःकाल तक उपलब्ध रहेगी . अतः न्यायिक अधिकारी जबलपुर पहुंचने का सही समय इस कार्यालय के कार्य दिवस में, प्रातः 10 बजे से शाम 5 बजे के बीच, दूरभाष क्रमांक 0761-2628679 , पर समयावधि रहते सूचित करें.
9. प्रशिक्षण सत्र में भाग लेने वाले न्यायिक अधिकारियों के ठहरने के लिये न्यायिक अधिकारी प्रशिक्षण एवं अनुसंधान संस्थान, प्रथम तल, उत्सादित राज्य प्रशासनिक अधिकरण बिल्डिंग , जबलपुर में द्वितीय एवं तृतीय तल पर अस्थायी हॉस्टल की व्यवस्था की गई है, जो कि प्रशिक्षण प्रारंभ होने की तिथि के एक दिन पूर्व के दिवस को अपरान्ह से शुरू होकर प्रशिक्षण के समाप्त होने की तिथि की अगली दिनांक के प्रातःकाल तक उपलब्ध रहेगी. यह भी कि यदि किसी प्रशिक्षणार्थी को उक्त अस्थायी हॉस्टल के द्वितीय एवं तृतीय तल पर, स्वास्थ्य कारणों से, ठहरने में कोई कठिनाई हो तो वह अपनी पसंद के किसी अन्य स्थान पर ठहरने की व्यवस्था कर सकेगा, जिसकी उसे पूर्व सूचना इस संस्थान को देनी होगी . इस व्यवस्था के लिये प्रशिक्षणार्थी नियमानुसार टी.ए. एवं डी.ए. क्लेम करने के पात्र होंगे .
10. न्यायिक अधिकारियों को प्रशिक्षण सत्र के दौरान चाय, नाश्ता तथा दिन एवं रात्रि का भोजन प्रदान किया जावेगा.
माननीय कार्यवाहक मुख्य न्यायाधिपति महोदय के आदेशानुसार,
सुभाष काकड़े , रजिस्ट्रार जनरल.
भाग 1 ]
जबलपुर, दिनांक 7 फरवरी 2012
क्र. डी- 622 -दो- 2-12-2002 .- श्री एच. के. दुबे, अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय , उज्जैन को दिनांक 19 से 20 दिसम्बर 2011 तक , दोनों दिन सम्मिलित करते हुए, दो दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 18 दिसम्बर 2011 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .
अवकाश से लौटने पर श्री एच. के. दुबे, अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय , उज्जैन को उज्जैन पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री एच. के. दुबे, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. डी- 624- दो- 2-11-2004.- श्रीमती आराधना चौबे, प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय , भोपाल को दिनांक 8 से 10 नवम्बर 2011 तक, दोनों दिन सम्मिलित करते हुए, तीन दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 6 एवं 7 नवम्बर 2011 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .
अवकाश से लौटने पर श्रीमती आराधना चौबे , प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय , भोपाल को भोपाल पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती आराधना चौबे , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
क्र. डी- 626 - दो- 2-18- ए- 2009.- श्री सुरेश कुमार जैन , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, बुरहानपुर को दिनांक 30 जनवरी से 2 फरवरी 2012 तक, दोनों दिन सम्मिलित करके , चार दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 29 जनवरी 2012 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री सुरेश कुमार जैन, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , बुरहानपुर को बुरहानपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है .
647
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री सुरेश कुमार जैन , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. डी- 631 - दो - 2-36-2010 .-श्री अनुराग श्रीवास्तव , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , बालाघाट को दिनांक 29 से 31 दिसम्बर 2011 तक, तीन दिन का शीतकालीन अवकाश एवं दिनांक 1 से 3 जनवरी 2012 तक, तीन दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
अवकाश से लौटने पर श्री अनुराग श्रीवास्तव , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , बालाघाट को बालाघाट पुनः पदस्थापित किया जाता है .
शीतकालीन अवकाश / अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री अनुराग श्रीवास्तव, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. बी- 408- दो- 2-50-2010.- श्री योगेश कुमार सोनगरिया , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , अनूपपुर को दिनांक 26 से 28 दिसम्बर 2011 तक, तीन दिन का शीतकालीन अवकाश एवं दिनांक 29 से 31 दिसम्बर 2011 तक, तीन दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 25 दिसम्बर 2011 के एवं पश्चात् में दिनांक 1 जनवरी 2012 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री योगेश कुमार सोनगरिया , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , अनूपपुर को अनूपपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाश/शीतकालीन अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री योगेश कुमार सोनगरिया, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. बी- 410-दो- 2-5-2011.- सुश्री प्रतिभा रत्नपारखी , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , सागर को दिनांक 3 से 6 जनवरी 2012 तक, दोनों दिन सम्मिलित करके, चार दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
648
अवकाश से लौटने पर सुश्री प्रतिभा रत्नपारखी, जिला एवं सत्र न्यायाधीश सागर को सागर पुनः पदस्थापित किया जाता है .
कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि सुश्री प्रतिभा रत्नपारखी, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
क्र. सी- 1387- दो- 2-60-2009.-श्री अभिनन्दन कुमार जैन, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, बैतूल को दिनांक 20 से 24 जनवरी 2012 तक, दोनों दिन सम्मिलित करते हुए, पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
अवकाश से लौटने पर श्री अभिनन्दन कुमार जैन, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, बैतूल को बैतूल पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री अभिनन्दन कुमार जैन, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. सी- 1398 -दो-3-126-2011.- श्री श्याम कुमार मण्डलोई, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , बड़वानी को मध्यप्रदेश शासन, विधि और विधायी कार्य विभाग , भोपाल के आदेश क्रमांक 3- ( ए) 19-03- इक्कीस - ब ( एक ) , दिनांक 15 जून 2006 के अनुक्रमांक 12 ( 1 ) के अन्तर्गत दिनांक 1 नवम्बर 2009 से 31 अक्टूबर 2011 तक, दो वर्ष की ब्लाक अवधि के लिये 30 दिवस के अर्जित अवकाश को नगद भुगतान के लिये समर्पित करने की स्वीकृति प्रदान की जाती है .
जबलपुर , दिनांक 8 फरवरी 2012
क्र. डी- 633 -दो-2-5-2006.- श्रीमती जयश्री वर्मा , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , शाजापुर को दिनांक 19 से 23 दिसम्बर 2011 तक, दोनों दिन सम्मिलित करके, पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 18 दिसम्बर 2011 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .
अवकाश से लौटने पर श्रीमती जयश्री वर्मा, जिला एवं सत्र न्यायाधीश शाजापुर को शाजापुर पुनः पदस्थापित किया जाता है .
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती जयश्री वर्मा, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
क्र. डी- 635- दो- 2-33-2010.- श्री रणजीत सिंह, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मण्डला को दिनांक 28 से 29 दिसम्बर 2011 तक, दो दिन का. अर्जित अवकाश एवं दिनांक 30 से 31 दिसम्बर 2011 तक, दो दिन का शीतकालीन अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 1 जनवरी 2012 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री रणजीत सिंह, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मंण्डला को मण्डला पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाश / शीतकालीन अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री रणजीत सिंह, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. डी- 637- दो- 2-46-2000.- श्री ओ. पी. दुबे, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , हरदा को दिनांक 24 दिसम्बर 2011 से 7 जनवरी 2012 तक, दोनों दिन सम्मिलित करते हुए, पन्द्रह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
अवकाश से लौटने पर श्री ओ . पी . दुबे, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , हरदा को हरदा पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री ओ. पी . दुबे , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. डी- 639- दो- 2-43-2011.- श्री राजेन्द्र महाजन , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , मन्दसौर को दिनांक 16 से 18 जनवरी 2012 तक, दोनों दिन सम्मिलित करते हुए, तीन दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
भाग 1 ]
अवकाश से लौटने पर श्री राजेन्द्र महाजन , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , मन्दसौर को मन्दसौर पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री राजेन्द्र महाजन, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. डी- 641 -दो- 2-37-2011 .- श्री सी. व्ही. सिरपुरकर, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , देवास को दिनांक 21 फरवरी से 2 मार्च 2012 तक, दोनों दिन सम्मिलित करते हुए, ग्यारह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
अवकाश से लौटने पर श्री सी. व्ही. सिरपुरकर, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, देवास को देवास पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री सी. व्ही. सिरपुरकर, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. डी- 647 -दो- 3-53-2009.- श्री एम . पी . एस . अरोरा , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, श्योपुर को दिनांक 19 से 21 दिसम्बर 2011 तक, दोनों दिन सम्मिलित करके, तीन दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
अवकाश से लौटने पर श्री एम. पी . एस. अरोरा , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , श्योपुर को श्योपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री एम. पी. एस. अरोरा, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. डी- 649- दो- 2-37-2010.- श्री जे . एस . क्षत्रिय , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, डिण्डौरी को दिनांक 7 दिसम्बर 2011 का एक दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
अवकाश से लौटने पर श्री जे . एस. क्षत्रिय , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, डिण्डौरी को डिण्डौरी पुनः पदस्थापित किया जाता है.
649
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री जे . एस. क्षत्रिय, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. सी - 1406-दो - 2-49-2009.-श्री जगदीश बाहेती , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, खण्डवा को दिनांक 13 से 19 दिसम्बर 2011 तक, दोनों दिन सम्मिलित करके, सात दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
अवकाश से लौटने पर श्री जगदीश बाहेती, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, खण्डवा को खण्डवा पुनः पदस्थापित किया जाता है .
कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री जगदीश बाहेती, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. सी- 1408- दो- 2-22-2008.- श्री ऋषभ कुमार जैन , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , राजगढ़ ब्यावरा को दिनांक 16 से 18 जनवरी 2012 तक, दोनों दिन सम्मिलित करते हुए, तीन दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 14 एवं 15 जनवरी 2012 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री ऋषभ कुमार जैन , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , राजगढ़ - ब्यावरा को राजगढ़- ब्यावरा पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री ऋषभ कुमार जैन , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. सी- 1412- दो - 2-19- ए- 2009.- सुश्री भारती बघेल, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , अशोकनगर को दिनांक 29 से 30 दिसम्बर 2011 तक, दो दिन का शीतकालीन अवकाश एवं दिनांक 31 दिसम्बर 2011 का एक दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 1 जनवरी 2012 650
के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर सुश्री भारती बघेल , जिला एवं सत्र न्यायाधीश अशोकनगर को अशोकनगर पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाश / शीतकालीन अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि सुश्री भारती बघेल , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
क्र. सी- 1414-दो- 2-45-2011 .- श्रीमती मीना भट्ट, प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय , ग्वालियर को दिनांक 12 से 17 दिसम्बर 2011 तक, दोनों दिन सम्मिलित करते हुए, छः दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
अवकाश से लौटने पर श्रीमती मीना भट्ट, प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय , ग्वालियर को ग्वालियर पुनः पदस्थापित किया जाता है .
कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती मीना भट्ट, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
क्र. सी -1416-दो-2-26-2008.- श्री जे . के. जैन , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , जबलपुर को दिनांक 9 से 13 जनवरी 2012 तक, दोनों दिन सम्मिलित करते हुए, पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
अवकाश से लौटने पर श्री जे. के. जैन, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , जबलपुर को जबलपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री जे. के. जैन, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
[भाग 1 क्र. सी- 1418- दो- 2-22-2008.- श्री ऋषभ कुमार जैन, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , राजगढ़ ब्यावरा को दिनांक 23 से 28 जनवरी 2012 तक, दोनों दिन सम्मिलित करते हुए, छः दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 22 जनवरी 2012 के एवं पश्चात् में दिनांक 29 जनवरी 2012 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .
अवकाश से लौटने पर श्री ऋषभ कुमार जैन , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , राजगढ़ - ब्यावरा को राजगढ़ - ब्यावरा पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री ऋषभ कुमार जैन, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. सी- 1420- दो- 2-18- ए- 2009.- श्री सुरेश कुमार जैन , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , बुरहानपुर को दिनांक 2 से 7 जनवरी 2012 तक, दोनों दिन सम्मिलित करके, छः दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 1 जनवरी 2012 के एवं पश्चात् में दिनांक 8 जनवरी 2012 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .
अवकाश से लौटने पर श्री सुरेश कुमार जैन , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , बुरहानपुर को बुरहानपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री सुरेश कुमार जैन , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. सी- 1422 - दो-2-9-2011.- श्रीमती शशिकिरण दुबे , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , छतरपुर को दिनांक 07 से 09 दिसम्बर 2011 तक दोनों दिन सम्मिलित करके तीन दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 06 दिसम्बर 2011 के एवं पश्चात में दिनांक 10 दिसम्बर 2011 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .
अवकाश से लौटने पर श्रीमती शशिकिरण दुबे , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , छतरपुर को छतरपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
भाग 1 ]
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मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2012
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती शशिकिरण दुबे, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
क्र. सी- 1424 -दो- 2-34-2006.- श्री एन . के. पोरवाल, अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश, कुटुंब न्यायालय, भोपाल को दिनांक 27 से 28 दिसम्बर 2011 तक दो दिन का शीतकालीन अवकाश एवं दिनांक 29 दिसम्बर 2011 से 07 जनवरी 2012 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए दस दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
अवकाश से लौटने पर श्री एन. के. पोरवाल , अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश, कुटुंब न्यायालय , भोपाल को भोपाल पुनः पदस्थापित किया जाता है .
शीतकालीन/अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री एन. के. पोरवाल , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
माननीय प्रशासनिक न्यायाधिपति महोदय के आदेशानुसार, एस. के. साहा, रजिस्ट्रार.
क्र. सी- 1395 - दो- 3-76-98.- श्री आर. पी . पाण्डे, रजिस्ट्रार (ई. ) , उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश, जबलपुर को दिनांक 12 से 19 जनवरी 2012 तक दोनों दिन सम्मिलित करके आठ दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है .
अवकाश से लौटने पर श्री आर. पी. पाण्डे , रजिस्ट्रार ( ई. ) , उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश , जबलपुर को जबलपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री आर. पी . पाण्डे, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो रजिस्ट्रार (ई. ) के पद पर कार्यरत रहते.
उच्च न्यायालय के आदेशानुसार, एस. के. साहा, रजिस्ट्रार.
जबलपुर, दिनांक 4 फरवरी 2012
क्र. डी- 581-तीन-6-2-2012.- दण्ड प्रकिया संहिता, 1973 ( अधिनियम क्रमांक 2 सन् 1974 ) की धारा 260 ( 1 ) ( ग ) सहपठित धारा 32 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश , जबलपुर निम्नलिखित सारणी के स्तंभ क्रमांक ( 2 ) में वर्णित न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी, जिनकी पदस्थापना का स्थान स्तंभ क्रमांक ( 3 ) में दर्शित है , को उक्त संहिता की धारा 260 में उल्लेखित सभी अपराधों का संक्षेप्तः विचारण हेतु विशेषतया सशक्त करता है: --
सारणी
क्रमांक न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
(1)
(2)
1 श्री विवेक बुखारिया, न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
2 श्री राघवेन्द्र श्रीवास्तव, न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
3 श्रीमती मीनल श्रीवास्तव, न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
4 श्री के. पी. सिंह , न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
5 श्री धर्मेश भट्ट, न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
6 श्री अभिनव कुमार जैन , न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
पदस्थापना का स्थान
राजस्व जिला
(4)
(3)
विदिशा
गंजबासोदा
विदिशा
गंजबासोदा
विदिशा
गंजबासोदा
शहडोल
ब्योहारी
शहडोल
बुढ़ार
सीधी
सीधी 652
(1)
(2)
7 श्री राजेश सिंह, न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
8 श्रीमती किरण कोल, न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
9 श्रीमती सिद्धी मिश्रा, न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
10 श्री डी.एस. परमार, न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
11 श्री आलोक मिश्रा, न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
12 श्री अजय पेदाम , न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
13 श्री विशाल अखण्ड, न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
14 श्री कमलेश कुमार सोनी, न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
15 डा. सुधांशु सक्सेना , न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
16 श्री नीरज मालवीय, न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
17
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 फरवरी 2012
(4)
(3)
सीधी
सीधी
सीधी
मझोली
पन्ना
पन्ना
गुना
गुना
अशोकनगर मूंगावली
देवास
टोंकखुर्द
देवास
देवास
देवास
देवास
बागली
देवास
कन्नौद
देवास
देवास
सोनकच्छ
सुश्री ज्योति डोगरे, न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
18 श्री अभिलाष जैन , न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
19 कु. नौशीन खान, न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
20
देवास
देवास
सिवनी
सिवनी
सिवनी
लखनादौन
श्री अमित सिंह सिसोदिया, न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
21 श्री मनोज कुमार तिवारी , न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
22 श्री आशुतोष अग्रवाल, न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
23 श्री विकास चौहान, न्यायिक दण्डाधिकारी, प्रथम श्रेणी
24 श्री शिवलाल केवट, न्यायिक दण्डाधिकारी , प्रथम श्रेणी
मंडला
मंडला
मंडला
मंडला
धार
धरमपुरी
डिण्डौरी
डिण्डौरी
उच्च न्यायालय के आदेशानुसार,
अभय कुमार, रजिस्ट्रार.