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Madhya Pradesh Gazette · Government of Madhya Pradesh

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Published 17 January 2014

Type
Ordinary
Gazette no.
03
Part
1
Identifier
in.gazette.madhya.2014-01-17.03.Ordinary
Languages
English, Hindi
Published at
Original source ↗

मध्यप्रदेश

शास

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सत्यमेव जयते

मध्यप्रदेश राजपत्र

प्राधिकार से प्रकाशित

क्रमांक 3 ]

भोपाल, शुक्रवार, दिनांक17 जनवरी 2014-पौष 27, शक 1935

विषय-सूची

भाग 1.- ( 1 ) राज्य शासन के आदेश, ( 2 ) विभाग प्रमुखों के आदेश, (3 ) उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं, (4) राज्य शासन के संकल्प, ( 5 ) भारत शासन के आदेश और अधिसूचनाएं, ( 6 ) निर्वाचन आयोग, भारत की अधिसूचनाएं, ( 7 ) लोक- भाषा परिशिष्ट.

भाग 2.- स्थानीय निकाय की अधिसूचनाएं.

भाग 3.- ( 1 ) विज्ञापन और विविध सूचनाएं.

( 2 ) सांख्यिकीय सूचनाएं,

4.- ( क) ( 1 ) मध्यप्रदेश विधेयक, ( 2 ) प्रवर समिति के प्रतिवेदन, भाग

(3) संसद् में पुरःस्थापित विधेयक,

( ख ) ( 1 ) अध्यादेश , ( 2 ) मध्यप्रदेश अधिनियम, (3) संसद्के अधिनियम,

(ग) ( 1 ) प्रारूप नियम, ( 2 ) अंतिम नियम.

भाग १

राज्य शासन के आदेश

सामान्य प्रशासन विभाग मंत्रालय , वल्लभ भवन , भोपाल भोपाल , दिनांक 23 दिसम्बर 2013

क्र. ई-5-793- आयएएस - लीव -5- एक. ( 1 ) डॉ. संजय गोयल, आयएएस. , कलेक्टर, जिला अशोकनगर को दिनांक 23 दिसम्बर 2013 से 4 जनवरी 2014 तक तेरह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा इस अवकाश के साथ दिनांक 21 , 22 दिसम्बर 2013 एवं 5 जनवरी 2014 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.

(2 ) डॉ. संजय गोयल की अवकाश अवधि में श्री उपेन्द्र नाथ शर्मा, मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत अशोकनगर को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ - साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, कलेक्टर, जिला अशोकनगर का प्रभार सौंपा जाता है.

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(3 ) अवकाश से लौटने पर डॉ. संजय गोयल को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कलेक्टर, जिला अशोकनगर के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(4) डॉ. संजय गोयल द्वारा कलेक्टर, जिला अशोकनगर का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री उपेन्द्र नाथ शर्मा कलेक्टर, जिला अशोकनगर के प्रभार से मुक्त होंगे .

(5) अवकाशकाल में डॉ. संजय गोयल को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि डॉ. संजय गोयल अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.

नियंत्रक, शासकीय मुद्रण तथा लेखन सामग्री , मध्यप्रदेश द्वारा शासकीय केन्द्रीय मुद्रणालय, भोपाल से मुद्रित तथा प्रकाशित-2014.

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[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

क्र. ई- 5-831- आयएएस- लीव - 5- एक.-( 1 ) सुश्री स्वाती मीणा, आयएएस. , कलेक्टर , जिला सीधी को दिनांक 23 से 31 दिसम्बर 2013 तक नौ दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.

(2 ) सुश्री स्वाती मीणा की अवकाश अवधि में श्री अनिल खरे, अपर कलेक्टर, सीधी को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, कलेक्टर, जिला सीधी का प्रभार सौंपा जाता है.

(3 ) अवकाश से लौटने पर सुश्री स्वाती मीणा को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कलेक्टर , जिला सीधी के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(4) सुश्री स्वाती मीणा द्वारा कलेक्टर, जिला सीधी का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री अनिल खरे, कलेक्टर , जिला सीधी के प्रभार से मुक्त होंगे.

( 5 ) अवकाशकाल में सुश्री स्वाती मीणा को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि सुश्री स्वाती मीणा अवकाश पर नहीं जातीं तो अपने पद पर कार्य करती रहतीं.

क्र. ई- 5-917 - आयएएस- लीव- 5 - एक. - ( 1 ) श्री सौरभ कुमार सुमन, आयएएस. , सहायक कलेक्टर, जिला-जबलपुर को दिनांक 23 दिसम्बर 2013 से 2 जनवरी 2014 तक, ग्यारह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा उक्त अवकाश के साथ दिनांक 21 एवं 22 दिसम्बर 2013 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.

(2 ) अवकाश से लौटने पर श्री सौरभ कुमार सुमन को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न सहायक कलेक्टर , जिला- जबलपुर के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .

(3 ) अवकाशकाल में श्री सौरभ कुमार सुमन को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री सौरभ कुमार सुमन अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.

भोपाल, दिनांक 24 दिसम्बर 2013

क्र. ई- 5-547 - आयएएस- लीव- 5- एक. ( 1 ) श्री शैलेन्द्र सिंह, आयएएस, विशेष आयुक्त ( समन्वय ) मध्यप्रदेश , नई दिल्ली को दिनांक 26 दिसम्बर 2013 से 4 जनवरी 2014 तक, 10 दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.

(2) अवकाश से लौटने पर श्री शैलेन्द्र सिंह को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न विशेष आयुक्त ( समन्वय ) मध्यप्रदेश , नई दिल्ली के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(3 ) अवकाशकाल में श्री शैलेन्द्र सिंह को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री शैलेन्द्र सिंह अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.

भोपाल, दिनांक 26 दिसम्बर 2013

क्र. ई- 5-726 - आयएएस- लीव- 5 - एक. ( 1 ) श्री राकेश कुमार श्रीवास्तव , आयएएस. , आयुक्त, जनसंपर्क एवं प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश माध्यम तथा पदेन सचिव, मध्यप्रदेश शासन, जनसंपर्क विभाग तथा प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश राज्य कृषि उद्योग विकास निगम को दिनांक 30 दिसम्बर 2013 से 2 जनवरी 2014 तक, चार दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है उक्त अवकाश के साथ दिनांक 29 दिसम्बर 2013 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है .

(2 ) श्री राकेश कुमार श्रीवास्तव की अवकाश अवधि में आयुक्त, जनसंपर्क का प्रभार श्री मनोज श्रीवास्तव, आयएएस. , प्रमुख सचिव, मुख्यमंत्री तथा प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन, विमानन विभाग को तथा प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश राज्य कृषि उद्योग विकास निगम का प्रभार श्री अनुराग श्रीवास्तव, भावसे आयुक्त- सह-संचालक, उद्यानिकी एवं प्रक्षेत्र वानिकी को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ - साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक सौंपा जाता है .

(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री राकेश कुमार श्रीवास्तव को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न आयुक्त, जनसंपर्क एवं प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश माध्यम तथा पदेन सचिव, मध्यप्रदेश शासन , जनसंपर्क विभाग तथा प्रबंध संचालक , मध्यप्रदेश राज्य कृषि उद्योग विकास निगम के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(4) श्री राकेश कुमार श्रीवास्तव द्वारा आयुक्त, जनसंपर्क एवं प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश माध्यम तथा पदेन सचिव, मध्यप्रदेश शासन, जनसंपर्क विभाग तथा प्रबंध संचालक , मध्यप्रदेश राज्य कृषि उद्योग विकास निगम का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री मनोज श्रीवास्तव, आयुक्त जनसंपर्क एवं श्री अनुराग श्रीवास्तव, प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश राज्य कृषि उद्योग विकास निगम के प्रभार से मुक्त होंगे.

(5 ) अवकाशकाल में श्री राकेश कुमार श्रीवास्तव को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री राकेश कुमार श्रीवास्तव अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

भाग 1 ]

भोपाल , दिनांक 27 दिसम्बर 2013

क्र. ई- 5-743 - आयएएस - लीव- 5- एक.- ( 1 ) श्री एस . बी. सिंह, आयएएस . , कमिश्नर, भोपाल संभाग , भोपाल को दिनांक 23 से 28 दिसम्बर 2013 तक, छहः दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा उक्त अवकाश के साथ दिनांक 21 , 22 दिसम्बर 2013 एवं 29 दिसम्बर 2013 के सार्वजनिक अवकाश को जोड़ने की अनुमति प्रदान की जाती है.

(2) श्री एस. बी. सिंह की अवकाश अवधि में श्री निशांत वरवड़े, भाप्रसे कलेक्टर, भोपाल को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, कमिश्नर, भोपाल संभाग , भोपाल का प्रभार सौंपा जाता है.

(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री एस. बी . सिंह को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कमिश्नर, भोपाल संभाग , भोपाल के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(4) श्री एस. बी. सिंह द्वारा कमिश्नर, भोपाल संभाग , भोपाल का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री निशांत वरवड़े कमिश्नर, भोपाल संभाग , भोपाल के प्रभार से मुक्त होंगे.

(5) अवकाशकाल में श्री एस . बी. सिंह को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री एस . बी. सिंह अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .

क्र. ई- 5-792 - आयएएस- लीव- 5-एक. ( 1 ) श्री ज्ञानेश्वर बी पाटिल , आयएएस. , कलेक्टर, जिला श्योपुर को दिनांक 30 दिसम्बर 2013 से 15 जनवरी 2014 तक सत्रह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा इस अवकाश के साथ दिनांक 29 दिसम्बर 2013 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.

(2) श्री ज्ञानेश्वर बी पाटिल की अवकाश अवधि में श्री एच. पी. वर्मा, मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत श्योपुर को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ - साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, कलेक्टर, जिला श्योपुर का प्रभार सौंपा जाता है.

(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री ज्ञानेश्वर बी पाटिल को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कलेक्टर, जिला श्योपुर के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(4) श्री ज्ञानेश्वर बी पाटिल द्वारा कलेक्टर , जिला श्योपुर का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री एच. पी. वर्मा कलेक्टर , जिला श्योपुर के प्रभार से मुक्त होंगे .

293 (5 ) अवकाशकाल में श्री ज्ञानेश्वर बी पाटिल को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था .

(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री ज्ञानेश्वर बी पाटिल अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.

क्र. ई- 5-807 - आयएएस- लीव- 5 - एक.- ( 1 ) श्री के. पी . राही, आयएएस. , अपर आयुक्त, रीवा संभाग , रीवा को दिनांक 30 दिसम्बर 2013 से 2 जनवरी 2014 तक, चार दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .

( 2) अवकाश से लौटने पर श्री के. पी. राही को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न अपर आयुक्त, रीवा संभाग , रीवा के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(3) अवकाशकाल में श्री के. पी . राही को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

( 4) प्रमाणित किया जाता है यदि श्री के. पी. राही अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .

क्र. ई- 5-897 - आयएएस- लीव - 5 - एक. ( 1 ) श्री जे. के. जैन, आयएएस. , कलेक्टर, जिला रायसेन को दिनांक 26 दिसम्बर 2013 से 3 जनवरी 2014 तक, नौ दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा इस अवकाश के साथ दिनांक 25 दिसम्बर 2013 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.

(2) श्री जे. के. जैन की अवकाश अवधि में श्री राधेश्याम अगस्थी, अपर कलेक्टर, रायसेन को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, कलेक्टर, जिला रायसेन का प्रभार सौंपा जाता है.

(3) अवकाश से लौटने पर श्री जे. के. जैन को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कलेक्टर , जिला रायसेन के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(4) श्री जे. के. जैन द्वारा कलेक्टर , जिला रायसेन का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री राधेश्याम अगस्थी कलेक्टर, जिला रायसेन के प्रभार से मुक्त होंगे .

( 5 ) अवकाशकाल में श्री जे. के. जैन को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

( 6) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री जे. के . जैन अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .

294

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

भोपाल, दिनांक 28 दिसम्बर 2013

क्र. ई- 5-713- आयएएस- लीव- 5- एक. ( 1 ) श्री अरूण पाण्डेय, आयएएस. , कमिश्नर उज्जैन संभाग को दिनांक 28 से 31 दिसम्बर 2013 तक चार दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.

( 2 ) श्री अरूण पाण्डेय की अवकाश अवधि में श्री बी. एम . शर्मा, भाप्रसे कलेक्टर, उज्जैन को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, कमिश्नर, उज्जैन संभाग का प्रभार सौंपा जाता है.

(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री अरूण पाण्डेय को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कमिश्नर, उज्जैन संभाग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .

(4) श्री अरूण पाण्डेय द्वारा कमिश्नर, उज्जैन संभाग का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री बी. एम. शर्मा कमिश्नर, उज्जैन संभाग के प्रभार से मुक्त होंगे.

(5) अवकाशकाल में श्री अरूण पाण्डेय को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री अरूण पाण्डेय अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.

क्र. ई- 5-830- आयएएस- लीव- 5- एक. ( 1 ) श्री संकेत भोंडवे शांताराम, भाप्रसे मिशन संचालक, मध्यप्रदेश समग्र सामाजिक सुरक्षा मिशन , भोपाल को दिनांक 28 दिसम्बर 2013 से 4 जनवरी 2014 तक, आठ दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.

(2) अवकाश से लौटने पर श्री संकेत भोंडवे शांताराम, को मिशन संचालक, मध्यप्रदेश समग्र सामाजिक सुरक्षा मिशन , भोपाल के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(3 ) अवकाशकाल में श्री संकेत भोंडवे शांताराम को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(4 ) प्रमाणित किया जाता है यदि श्री संकेत भोंडवे शांताराम अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.

क्र. ई - 5-884 - आयएएस- लीव - 5 - एक.- ( 1 ) श्रीमती तन्वी सुन्द्रियाल बहुगुणा, आयएएस. , मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत, छिंदवाड़ा को समसंख्यक आदेश दिनांक 18 दिसम्बर 2013 द्वारा दिनांक 23 दिसम्बर 2013 से 4 जनवरी 2014 तक, तेरह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया गया है.

(2 ) श्रीमती तन्वी सन्द्रियाल बहुगुणा की अवकाश अवधि में उनका प्रभार श्री रत्नाकर झा, राप्रसे अपर कलेक्टर, छिंदवाड़ा को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ - साथ सौंपा गया है, में आंशिक संशोधन करते हुए अवकाश अवधि में प्रभार श्री रत्नाकर झा, राप्रसे से अपर कलेक्टर, छिंदवाड़ा के स्थान पर अब , श्री राजेन्द्र राय , संयुक्त कलेक्टर, छिंदवाड़ा को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक सौंपा जाता है.

(3 ) श्रीमती तन्वी सुन्द्रियाल बहुगुणा द्वारा मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत, छिंदवाड़ा का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री राजेन्द्र राय उक्त प्रभार से मुक्त होंगे .

भोपाल, दिनांक 30 दिसम्बर 2013

क्र. ई- 5-829 - आयएएस- लीव- 5 - एक.- ( 1 ) श्री नागरगोजे मदन विभीषण, आयएएस. , कलेक्टर, जिला मुरैना को दिनांक 2 से 15 जनवरी 2014 तक, चौदह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.

(2) श्री नागरगोजे मदन विभीषण की अवकाश अवधि में श्री आशीष गुप्ता, मुख्य कार्यपालन अधिकारी एवं अपर कलेक्टर (विकास ) मुरैना को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ - साथ अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, कलेक्टर, जिला मुरैना का प्रभार सौंपा जाता है .

(3) अवकाश से लौटने पर श्री नागरगोजे मदन विभीषण को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कलेक्टर, जिला मुरैना के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .

(4 ) श्री नागरगोजे मदन विभीषण द्वारा कलेक्टर, जिला मुरैना काकार्यभार ग्रहण करने पर श्री आशीष गुप्ता कलेक्टर, जिला मुरैना के प्रभार से मुक्त होंगे .

(5) अवकाशकाल में श्री नागरगोजे मदन विभीषण को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(6) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री नागरगोजे मदन विभीषण अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.

क्र. ई- 5-817 - आयएएस- लीव-5 - एक.-( 1 ) श्री राहुल जैन, आयएएस. , कलेक्टर, जिला होशंगाबाद को दिनांक 6 से 10 जनवरी 2014 तक पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. उक्त अवकाश के साथ दिनांक 5 जनवरी 2014 एवं 11 , 12 जनवरी 2014 के सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति प्रदान की जाती है .

(2 ) श्री राहुल जैन की अवकाश अवधि में श्री कृष्ण गोपाल तिवारी , भाप्रसे मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत होशंगाबाद को अपने कर्तव्यों के साथ - साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, कलेक्टर, जिला होशंगाबाद का प्रभार सौंपा जाता है.

(3) अवकाश से लौटने पर श्री राहुल जैन को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कलेक्टर, जिला होशंगाबाद के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(4) श्री राहुल जैन द्वारा कलेक्टर , जिला होशंगाबाद का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री कृष्ण गोपाल तिवारी कलेक्टर, जिला होशंगाबाद के प्रभार से मुक्त होंगे .

भाग 1 ]

295

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(5 ) अवकाशकाल में श्री राहुल जैन को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री राहुल जैन अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .

भोपाल, दिनांक 31 दिसम्बर 2013

क्र. ई- 5-632 - आयएएस - लीव- 5 - एक.- ( 1 ) श्री अनुपम राजन, आयएएस, अपर सचिव , मध्यप्रदेश शासन , वाणिज्य, उद्योग एवं रोजगार विभाग को दिनांक 24 से 28 दिसम्बर 2013 तक, पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . उक्त अवकाश के साथ दिनांक 29 दिसम्बर 2013 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति प्रदान की जाती है .

(2) अवकाश से लौटने पर श्री अनुपम राजन को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न अपर सचिव , मध्यप्रदेश शासन, वाणिज्य, उद्योग एवं रोजगार विभाग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(3 ) अवकाशकाल में श्री अनुपम राजन को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(4) प्रमाणित किया जाता है यदि श्री अनुपम राजन अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .

भोपाल, दिनांक 1 जनवरी 2014

क्र. ई- 1-394-2013-5- एक. श्री आई.सी.पी. केशरी , भाप्रसे (1988 ) विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी , सामान्य प्रशासन विभाग ( आवासीय आयुक्त कार्यालय में संलग्न ) तथा आवासीय आयुक्त, मध्यप्रदेश नई दिल्ली का अतिरिक्त प्रभार को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न आवासीय आयुक्त, मध्यप्रदेश नई दिल्ली पदस्थ किया जाता है.

( 2 ) उपरोक्तानुसार श्री आई. सी. पी . केशरी द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से राज्य शासन भाप्रसे ( वेतन ) नियमावली, 2007 के नियम 9 के अंतर्गत आवासीय आयुक्त, मध्यप्रदेश नई दिल्ली के असंवर्गीय पद को प्रतिष्ठा एवं जिम्मेदारी में ऊपर दर्शित नियमों की अनुसूची- II में सम्मिलित प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन के संवर्गीय पद के समकक्ष घोषित करता है .

भोपाल, दिनांक 2 जनवरी 2014

क्र. ई-5-532- आयएएस-लीव-5- एक.-( 1 ) श्रीमती सलीना सिंह, आयएएस . , प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन, मछुआ कल्याण तथा मत्स्य विकास विभाग तथा संसदीय कार्य जनशिकायत निवारण विभाग को इस विभाग के समसंख्यक आदेश दिनांक 10 अक्टूबर 2013 द्वारा दिनांक 17 से 31 दिसम्बर 2013 तक, पन्द्रह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया गया था. उक्त अर्जित अवकाश में आंशिक संशोधन करते हुए अब उन्हें दिनांक 17 दिसम्बर 2013 से 4 जनवरी 2014 तक, उन्नीस दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .

(2 ) इस विभाग के समसंख्यक आदेश दिनांक 10 अक्टूबर 2013 की शेष कंडिकाएं यथावत् रहेगीं.

भोपाल, दिनांक 3 जनवरी 2014

क्र. ई- 5-693 - आयएएस- लीव - 5 - एक.-( 1 ) श्री अरूण तिवारी , आयएएस, कमिश्नर, नर्मदापुरम संभाग , होशंगाबाद को दिनांक 30 दिसम्बर 2013 का एक दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . उक्त अवकाश के साथ दिनांक 28 एवं 31 दिसम्बर 2013 का स्थानीय अवकाश एवं दिनांक 29 दिसम्बर 2013 के सार्वजनिक अवकाश को जोड़ने की अनुमति दी जाती है.

(2 ) अवकाश से लौटने पर श्री अरूण तिवारी को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कमिश्नर, नर्मदापुरम संभाग , होशंगाबाद के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(3) अवकाशकाल में श्री अरूण तिवारी को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(4) प्रमाणित किया जाता है यदि श्री अरूण तिवारी अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.

क्र. ई- 5-787 - आयएएस- लीव- 5 -एक. ( 1 ) श्रीमती राजकुमारी खन्ना, आयएएस, उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन , कुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग को दिनांक 2 जनवरी 2014 से 1 फरवरी 2014 तक इकतीस दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.

(2) अवकाश से लौटने पर श्रीमती राजकुमारी खन्ना को अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, स्थानापन्न, उप सचिव , मध्यप्रदेश शासन, कुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .

(3) अवकाशकाल में श्रीमती राजकुमारी खन्ना को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(4) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्रीमती राजकुमारी खन्ना अवकाश पर नहीं जातीं तो अपने पद पर कार्य करतीं रहतीं.

क्र. ई- 5-929- आयएएस - लीव - 5 - एक.-( 1 ) सुश्री प्रतिभा पाल , आयएएस , सहायक कलेक्टर, जिला जबलपुर को दिनांक 30 दिसम्बर 2013 से 3 जनवरी 2014 तक पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . उक्त अवकाश के साथ दिनांक 29 दिसम्बर 2013 के सार्वजनिक अवकाश को जोड़ने की अनुमति दी जाती है.

296

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

(2 ) अवकाश से लौटने पर सुश्री प्रतिभा पाल को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न सहायक कलेक्टर, जिला जबलपुर के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(3 ) अवकाशकाल में सुश्री प्रतिभा पाल को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(4 ) प्रमाणित किया जाता है यदि सुश्री प्रतिभा पाल अवकाश पर नहीं जातीं तो अपने पद पर कार्य करतीं रहतीं.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, अॅन्टोनी जे. सी. डिसा, मुख्य सचिव.

भोपाल, दिनांक 23 दिसम्बर 2013

क्र. एफ. 11-29-2013- एक-9.- राज्य शासन, एतद्वारा , प्रदेश में समस्त निगमों, मण्डलों, प्राधिकरणों, समितियों, परिषदों आदि में राज्य शासन द्वारा अध्यक्ष/उपाध्यक्ष/संचालक/सदस्यों के किये गये मनोनयन ( केवल इन्दौर विकास प्राधिकरण इन्दौर को छोड़कर) तत्काल प्रभाव से निरस्त किये जाते हैं .

उक्त आदेश अनुसार प्रदेश के समस्त निगमों, मण्डलों, प्राधिकरणों, समितियों, परिषदों आदि संस्थाओं के अध्यक्षों/उपाध्यक्षों/संचालकों/ सदस्यों आदि का कार्यकाल इस आदेश के जारी होने की तिथि से स्वमेव समाप्त माना जावेगा . नवीन मनोनयन/नियुक्ति होने तक उक्त प्रभार के संबंध में यथा उचित नियम/ अधिनियम/निर्देश अनुसार संबंधित प्रशासकीय विभाग समन्वय में आदेश प्राप्त करेंगे.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , के. सुरेश , प्रमुख सचिव.

भोपाल, दिनांक 3 जनवरी 2014

क्र. एफ. 11-29-2013 - एक-9.-समसंख्यक पत्र दिनांक 23 दिसम्बर 2013 द्वारा निगम/मण्डलों/प्राधिकरणों/समितियों/परिषदों में किये गये मनोनयन/नियुक्तियां समाप्त कर दी गई हैं. पुनः मनोनयन/ नियुक्ति होने तक इन निगम, मण्डल, प्राधिकरण, समिति एवं परिषद् के प्रशासकीय वित्तीय एवं सामान्य कार्य संचालन हेतु निम्नानुसार कार्यवाही कृपया सुनिश्चित करें :-

1. निगम -मण्डल के अध्यक्ष का कार्यभार संबंधित विभाग के भारसाधक माननीय मंत्रीजी को सौंपा जाये.

2. विकास प्राधिकरण/विशेष क्षेत्र विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष का कार्यभार यथास्थिति क्रमशः संभागीय आयुक्त/जिला कलेक्टर को सौंपा जाये.

3. प्रशासकीय विभाग अन्तर्गत गठित समिति/परिषद के अध्यक्ष का कार्यभार संबंधित विभाग के अपर मुख्य सचिव/प्रमुख सचिव/सचिव को सौंपा जाये.

उक्त आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होगा.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,

अश्विनी कुमार राय, प्रमुख सचिव.

विधि और विधायी कार्य विभाग भोपाल, दिनांक 7 जनवरी 2014

फा. क्र. 4- ए- 2002-इक्कीस -ब ( एक).- राज्य शासन, उच्च न्यायालय की अनुशंसा पर मध्यप्रदेश कुटुम्ब न्यायालय अधिनियम, 1984 ( 1984 का सं. 66 ) की धारा 4 के अधीन मध्यप्रदेश कुटुम्ब न्यायालय नियम, 2002के नियम 3 ( 1 ) एवं 3 ( 5 ) के अन्तर्गत निम्न सेवानिवृत्त न्यायाधीशों को उच्च न्यायालय द्वारा आदेशित पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से 62 वर्ष की आयु पूर्ण करने की तिथि अथवा आगामी आदेश होने तक ( जो भी पहले हो ) एतद्वारा कुटुम्ब न्यायालय में नियुक्त करता है :-

क्र. न्यायिक सदस्य का नाम

62 वर्ष की आयु पूर्ण करने की तिथि

(3) (2)

(1)

31-12-2014 1. कु. प्रतिभा रत्नपारखी

11-3-2015 2. श्री श्याम कुमार मण्डलोई

30-8-2015 श्री बलदेव सिंह परमार

3.

24-10-2015 श्री कैलाश चन्द्र गर्ग

4.

28-12-2015 श्री उल्लास बाबट

5.

31-12-2015 6. श्री अवधेश कुमार श्रीवास्तव

उक्त अधिकारियों को देय वेतन तथा भत्ते का निर्धारण मध्यप्रदेश कुटुम्ब न्यायालय नियम , 2002 के नियम 3 ( 5 ) के अन्तर्गत होगा .

भोपाल, दिनांक 8 जनवरी 2014

फा. क्र. 4- ए- 2002 - इक्कीस- ब( एक) शुद्धिपत्र- इस विभाग के समसंख्यक आदेश दिनांक 7 जनवरी 2014 की तालिका में सरल क्र. 3 पर " श्री बलदेव सिंह परमार " के स्थान पर " श्री बलबीर सिंह परमार" एवं सरल क्र. 5 पर " श्री उल्लास बाबट " के स्थान पर " श्री उल्हास बापट " पढ़ा जाये.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, के. डी. खान, प्रमुख सचिव.

आवास एवं पर्यावरण विभाग मंत्रालय, वल्लभ भवन, भोपाल

भोपाल , दिनांक 6 जनवरी 2014

क्र. एफ. 13-6-2010- बत्तीस-1 सामान्य प्रशासन विभाग के परिपत्र क्रमांक एफ 11-29-2013-एक-9, दिनांक 23 दिसम्बर 2013 द्वारा निगमों/ मण्डलों/प्राधिकरणों/समितियों/परिषदों आदि में अध्यक्ष/उपाध्यक्ष/संचालक/ सदस्यों का किये गये नियुक्ति/ मनोनयन को निरस्त किया गया है.

2. अतः सामान्य प्रशासन विभाग का उक्त आदेश दिनांक 23 दिसम्बर 2013 मध्यप्रदेश गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मण्डल अधिनियम, 1972के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग कर जारी किये गये आदेश के अनुरूप अध्यक्ष/उपाध्यक्ष/ सदस्य के पद रिक्त मान्य किये जाते हैं.

3. मध्यप्रदेश गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मण्डल अधिनियम, 1972की धारा 4 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, राज्य शासन, एतद्वारा , श्री कैलाश विजयवर्गीय, मान. मंत्री, आवास एवं पर्यावरण विभाग को उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने की तिथि से, आगामी आदेश तक अध्यक्ष, मध्यप्रदेश गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मण्डल के पद पर नियुक्त करता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,

रमेश एस. थेटे , उपसचिव.

भाग 1 ]

297

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

विभाग प्रमुखों के आदेश

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग " निर्वाचन भवन "

58 , अरेरा हिल्स, भोपाल ( मध्यप्रदेश ) -462011

आदेश

भोपाल, दिनांक 2 जनवरी 2014

क्र. एफ. 67-49-12- तीन 39.-मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो, पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.

राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति ) आदेश , 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) ", दिनांक 6 जून, 1997 में प्रकाशित हुआ है, उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा.

माह जुलाई , 2012 में सम्पन्न हुए नगरपालिका परिषद्, बड़वानी, जिला बड़वानी के आम निर्वाचन में सुश्री राधा पटेल, अध्यक्ष पद की अभ्यर्थी थीं. इस नगरपालिका के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 10 जुलाई, 2012 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् दिनांक 9 अगस्त, 2012 तक, सुश्री राधा पटेल को निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी बड़वानी के पास दाखिल किया जाना था, किन्तु कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी बड़वानी के पत्र दिनांक 14 अगस्त , 2012 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार सुश्री राधा पटेल द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.

विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत नहीं करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर सुश्री राधा पटेल को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 29 अगस्त , 2012 को जारी किया गया. कारण बताओ सूचना पत्र में सुश्री राधा पटेल से जवाब ( लिखित अभ्यावेदन ) इस कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था. नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है , उनके विरुद्ध एक पक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.

अभ्यर्थी सुश्री राधा पटेल को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 1 अक्टूबर, 2012 को तामील कराया गया. अतः उनको दिनांक 16 अक्टूबर, 2012 तक अपना उत्तर प्रस्तुत करना था, आयोग द्वारा सुश्री राधा पटेल को कारण बताओ सूचना पत्र की तामीली पश्चात् निर्धारित अवधि ( 15 दिन ) में व्यय लेखा/अभ्यावेदन प्रस्तुत किये जाने के संबंध में कलेक्टर से उनका अभिमत चाहा गया. अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी जिला बड़वानी से प्राप्त प्रतिवेदन दिनांक 23 मार्च 2013 के संलग्न परिशिष्ट -36 की टिप्पणी में प्रतिवेदित किया कि- अभ्यर्थी सुश्री राधा पटेल को कारण बताओ सूचना पत्र तामील होने के उपरान्त भी उनके द्वारा व्यय लेखा वर्तमान तक पेश नहीं किया गया और न ही कोई अभ्यावेदन पत्र दिया गया है.

आयोग द्वारा विचारोपरान्त अभ्यर्थी सुश्री राधा पटेल को दिनांक 10 दिसम्बर 2013 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु आयोग कार्यालय में बुलाया गया. अभ्यर्थी सुश्री राधा पटेल सुनवाई में उपस्थित नहीं हुईं, जबकि अभ्यर्थी सुश्री राधा पटेल को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना पत्र दिनांक 11 अक्टूबर 2013 की तामीली विहित समयावधि में दिनांक 20 अक्टूबर 2013 को कराई जा चुकी थी.

उपरोक्त विवेचना से स्पष्ट है कि सुश्री राधा पटेल द्वारा विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया. अतः आयोग का यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत करने का कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है .

अतः मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32- ग के उपबन्धों के अन्तर्गत सुश्री राधा पटेल को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगरपालिका परिषद् बड़वानी, जिला बड़वानी का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश की तारीख से 05 वर्ष ( पांच वर्ष) की कालावधि के लिए निरर्हित ( अयोग्य) घोषित किया जाता है .

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग के आदेशानुसार,

हस्ता./- (जी. पी. श्रीवास्तव ) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल .

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मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

आदेश

भोपाल , दिनांक 4 जनवरी 2014

क्र. एफ. 67-06-13- तीन- 51.- मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने , नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो , पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.

राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय ( लेखा संधारण और प्रस्तुति ) आदेश, 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र (असाधारण ) ", दिनांक 6 जून, 1997 में प्रकाशित हुआ है, उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा.

माह जनवरी , 2013 में सम्पन्न हुए नगरपालिका परिषद्, राघौगढ़ विजयपुर, जिला गुना के आम निर्वाचन में श्री गोपाल, अध्यक्ष पद के अभ्यर्थी थे. इस नगरपालिका के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 10 जनवरी 2013 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् ( दिनांक 9 एवं 10 फरवरी , 2013 को शासकीय अवकाश होने से ) दिनांक 11 फरवरी 2013 तक, श्री गोपाल को निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी गुना के पास दाखिल करना था, किन्तु कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी गुना के पत्र दिनांक 15 फरवरी , 2013 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार श्री गोपाल द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.

विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत न करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर अभ्यर्थी श्री गोपाल को आयोग द्वारा कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 7 मार्च , 2013 को जारी किया गया. कारण बताओ सूचना पत्र में श्री गोपाल से जवाब ( लिखित अभ्यावेदन) कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था. कारण बताओ नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है, उनके विरुद्ध एक पक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.

अभ्यर्थी श्री गोपाल को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 16 मार्च 2013 को तामील कराया गया. अतः उनको दिनांक 31 मार्च 2013 तक अभ्यावेदन प्रस्तुत करना था . अभ्यर्थी

[ भाग 1 श्री गोपाल द्वारा कारण बताओ सूचना पत्र की तामीली पश्चात् निर्धारित अवधि ( 15 दिन ) में अपना अभ्यावेदन आयोग को प्रस्तुत किया गया. आयोग के पत्र दिनांक 9 मई 2013 द्वारा अभ्यावेदन की स्वीकार्यता किये जाने के संबंध में कलेक्टर गुना से उनका अभिमत चाहा गया. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला गुना से प्राप्त प्रतिवेदन दिनांक 16 सितम्बर 2013 में प्रतिवेदित किया कि अभ्यर्थी श्री गोपाल के अभ्यावेदन में अनुविभागीय अधिकारी राघौगढ़ से वर्णित तथ्यों की सत्यता/विश्वसनीयता का परीक्षण कराया गया, जिसमें वर्णित तथ्यों के संबंध में अभ्यर्थी ने कोई प्रमाण प्रस्तुत नहीं किया गया है.

आयोग द्वारा विचारोपरान्त अभ्यर्थी श्री गोपाल को दिनांक 10 दिसम्बर 2013 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु आयोग कार्यालय में बुलाया गया. किन्तु अभ्यर्थी श्री गोपाल आयोग कार्यालय में उपस्थित नहीं हुए. अभ्यर्थी द्वारा आयोग से इस संबंध में कोई पत्र व्यवहार भी नहीं किया गया. व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना पत्र दिनांक 11 अक्टूबर 2013 की तामीली अभ्यर्थी श्री गोपाल को विहित समयावधि में दिनांक 29 अक्टूबर 2013 को कराई जा चुकी थी.

उपरोक्त विवेचना से स्पष्ट है कि श्री गोपाल द्वारा विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया. अतः आयोग का यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत नहीं करने में कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है.

अतः मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ग के उपबन्धों के अन्तर्गत श्री गोपाल को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगरपालिका परिषद राघौगढ़ विजयपुर, जिला गुना का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश की तारीख से 05 वर्ष ( पांच वर्ष ) की कालावधि के लिए निरर्हित ( अयोग्य ) घोषित किया जाता है .

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन अयोग के आदेशानुसार, हस्ता./- ( जी. पी. श्रीवास्तव ) सचिव, मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल . आदेश भोपाल, दिनांक 4 जनवरी 2014

क्र. एफ . 67-07-12- तीन- 53.- मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो, पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है भाग 1 ]

कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.

राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय ( लेखा संधारण और प्रस्तुति ) आदेश , 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) ", दिनांक 6 जून , 1997 में प्रकाशित हुआ है, उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा.

माह जुलाई, 2012 में सम्पन्न हुए नगरपालिका परिषद्, जुन्नारदेव , जिला छिन्दवाड़ा के आम निर्वाचन में श्री प्यारू भाई रियाज अली अध्यक्ष पद के अभ्यर्थी थे. नगरपालिका परिषद्, जुन्नारदेव, जिला छिन्दवाड़ा के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 9 जुलाई, 2012 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् 8 अगस्त, 2012 तक, श्री प्यारू भाई रियाज अली को निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी छिन्दवाड़ा के पास दाखिल किया जाना था, किन्तु कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी छिन्दवाड़ा के पत्र दिनांक 24 सितम्बर , 2012 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार श्री प्यारू भाई रियाज अली द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.

विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत न करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर श्री प्यारू भाई रियाज अली को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 23 नवम्बर 2012 को जारी किया गया. कारण बताओ सूचना पत्र में अभ्यर्थी से जवाब ( लिखित अभ्यावेदन ) कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था. कारण बताओ नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है, उनके विरुद्ध एक पक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.

श्री प्यारू भाई रियाज अली को नोटिस दिनांक 5 जनवरी 2013 को तामील कराया गया. अतः उनको दिनांक 20 जनवरी 2013 तक अभ्यावेदन प्रस्तुत करना था. किन्तु उनके द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया. नोटिस की तामीली उपरान्त कलेक्टर छिंदवाड़ा ने अपने पत्र दिनांक 8 अगस्त 2013 में लेख किया कि " कारण बताओ नोटिस की तामीली के पश्चात् उक्त अभ्यर्थी द्वारा नोटिस में उल्लिखित अवधि में अपना निर्वाचन व्यय लेखा/ अभ्यावेदन इस कार्यालय में प्रस्तुत नहीं किया गया है . " आयोग द्वारा विचारोपरान्त अभ्यर्थी श्री प्यारू भाई रियाज अली को दिनांक 12 नवम्बर 2013 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु बुलाया गया. किन्तु अभ्यर्थी उपस्थित नहीं हुए. जबकि श्री प्यारू भाई रियाज अली को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना पत्र दिनांक 5 सितम्बर 2013 की तामीली नियत समयावधि में दिनांक 22 सितम्बर 2013 को कराई जा चुकी थी.

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मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

उपरोक्त विवेचना से स्पष्ट है कि अभ्यर्थी द्वारा विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया. अतः आयोग का यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत करने में असफल रहने का कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है .

अतः मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ग के उपबन्धों के अन्तर्गत श्री प्यारू भाई रियाज अली को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगरपालिका परिषद् जुन्नारदेव, का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश की तारीख से 05 वर्ष ( पांच वर्ष ) की कालावधि के लिए निरर्हित ( अयोग्य ) घोषित किया जाता है.

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- (जी. पी. श्रीवास्तव ) सचिव, मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

आदेश

भोपाल, दिनांक 4 जनवरी 2014

क्र. एफ. 67-07-12- तीन- 54.- मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने , नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो , पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.

राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय ( लेखा संधारण और प्रस्तुति ) आदेश , 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र (असाधारण ) " , दिनांक 6 जून , 1997 में प्रकाशित हुआ है, उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा.

माह जुलाई , 2012 में सम्पन्न हुए नगरपालिका परिषद्, जुन्नारदेव , जिला छिन्दवाड़ा के आम निर्वाचन में श्री रामकुमार शर्मा , अध्यक्ष पद के अभ्यर्थी थे . नगरपालिका परिषद्, जुन्नारदेव, जिला छिन्दवाड़ा के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 9 जुलाई , 2012 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32-ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् 8 अगस्त, 2012 तक, श्री रामकुमार शर्मा को निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी छिन्दवाड़ा के पास दाखिल किया जाना था, किन्तु कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन 300

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

अधिकारी छिन्दवाड़ा के पत्र दिनांक 24 सितम्बर , 2012 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार श्री रामकुमार शर्मा द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.

विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत न करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर श्री रामकुमार शर्मा को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 23 नवम्बर 2012 को जारी किया गया. कारण बताओ नोटिस में अभ्यर्थी से जवाब ( लिखित अभ्यावेदन ) कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था . नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है , उनके विरुद्ध एक पक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.

श्री रामकुमार शर्मा के नोटिस तामीली की प्रति पर अंकित है कि उनके घर बार - बार सम्पर्क करने पर मालूम हुआ कि श्री रामकुमार शर्मा बाहर गये हैं इसलिये दिनांक 18 जनवरी 2013 को श्री रामकुमार शर्मा के घर नोटिस चस्पा किया गया. अतः उनको दिनांक 2 फरवरी , 2013 तक अभ्यावेदन प्रस्तुत करना था, किन्तु उनके द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया. नोटिस की तामीली उपरान्त कलेक्टर छिंदवाड़ा ने अपने पत्र दिनांक 8 अगस्त 2013 में लेख किया कि " कारण बताओ नोटिस की तामीली के पश्चात्अभ्यर्थी द्वारा नोटिस में उल्लिखित अवधि में अपना निर्वाचन व्यय लेखा/ अभ्यावेदन इस कार्यालय में प्रस्तुत नहीं किया गया है . " आयोग द्वारा विचारोपरान्त अभ्यर्थी श्री रामकुमार शर्मा को आयोग में दिनांक 12 नवम्बर 2013 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु बुलाया गया. अभ्यर्थी उक्त दिनांक को आयोग में व्यक्तिगत सुनवाई हेतु उपस्थित हुए. अभ्यर्थी द्वारा समक्ष में बताया कि उन्होंने निर्वाचन व्यय लेखों की छायाप्रतियां, जिला स्तर पर विलम्ब से प्रस्तुत की थी.

उपरोक्तविवेचना से स्पष्ट है कि अभ्यर्थी द्वारा नियत समयावधि में निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया तथा विलम्ब से व्यय लेखे की छायाप्रतियां प्रस्तुत करने के संबंध में कोई ठोस प्रमाण भी प्रस्तुत नहीं किया गया. अतः आयोग का यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत करने में असफल रहने का कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है अतः मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ग के उपबन्धों के अन्तर्गत श्री रामकुमार शर्मा को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगरपालिका परिषद् जुन्नारदेव, का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश की तारीख से 05 वर्ष ( पांच वर्ष ) की कालावधिके लिए निरर्हित ( अयोग्य ) घोषित किया जाता है.

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार,

हस्ता./-

(जी. पी. श्रीवास्तव )

सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.

आदेश

भोपाल, दिनांक 4 जनवरी 2014

क्र. एफ. 67-11-07- तीन- 56.- मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो, पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32- ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.

राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय ( लेखा संधारण और प्रस्तुति ) आदेश, 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) " , दिनांक 6 जून, 1997 में प्रकाशित हुआ है. उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा.

माह नवम्बर, 2007 में सम्पन्न हुए नगरपालिका परिषद्, कोलार, जिला भोपाल के निर्वाचन में श्रीमती रूपादास, अध्यक्ष पद की अभ्यर्थी थीं. नगरपालिका परिषद्, कोलार , जिला भोपाल के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 15 नवम्बर , 2007 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् 14 दिसम्बर, 2007 तक, इन्हें निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी भोपाल के पास दाखिल किया जाना था, किन्तु कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी भोपाल के पत्र क्र. 27/स्था. निर्वा./08 , दिनांक 22 जनवरी , 2008 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार श्रीमती रूपादास द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.

विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत न करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर श्रीमती रूपादास को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 8 फरवरी 2008 जारी किया गया . कारण बताओ सूचना पत्र में अभ्यर्थी से जवाब ( लिखित अभ्यावेदन ) इस कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था. नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है , उनके विरुद्ध एक पक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.

श्रीमती रूपादास को सूचना पत्र की तामीली दिनांक 13 जुलाई, 2011 को उनके पति के माध्यम से कराई गई.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

भाग 1 ]

आयोग द्वारा विचारोपरान्त दिनांक 3 मार्च, 2012 को अभ्यर्थी श्रीमती रूपादास को व्यक्तिगत सुवाई हेतु आयोग कार्यालय में बुलाया गया. व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना पत्र दिनांक 3 फरवरी 2012 की तामीली कलेक्टर भोपाल के माध्यम से दिनांक 29 फरवरी 2012 को कराई गई. अभ्यर्थी के पति श्री बी. एल . दास व्यक्तिगत सुनवाई दिनांक 3 मार्च, 2012 को उपस्थित हुए. उनके द्वारा अभ्यर्थी श्रीमती रूपादास का अभ्यावेदन एवं मूल निर्वाचन व्यय लेखा मय रसीद के सुनवाई दिनांक को प्रस्तुत किया गया. अभ्यर्थी ने अपने अभ्यावेदन में उल्लेख किया है कि उनके द्वारा व्यय संबंधी ब्यौरों की छायाप्रतियां जमा की गईं थीं. अभ्यर्थी श्रीमती रूपादास ने पहली बार एक स्वतंत्र प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ी, जिसके कारण खर्च जमा करने में चूक हुई.

उपरोक्त विवेचना से स्पष्ट है कि अभ्यर्थी द्वारा नियत समयावधि में निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया एवं पक्ष समर्थन में कोई दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किये गए हैं. अतः आयोग का यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत करने में असफल रहने का कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है .

अतः मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 -ग के उपबन्धों के अन्तर्गत श्रीमती रूपादास को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगरपालिका परिषद् कोलार, जिला भोपाल का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश की तारीख से 05 वर्ष (पांच वर्ष) की कालावधि के लिए निरर्हित ( अयोग्य ) घोषित किया जाता है .

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार,

हस्ता./-

(जी. पी. श्रीवास्तव )

सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.

आदेश

भोपाल, दिनांक 4 जनवरी 2014

क्र. एफ . 67-28-12- तीन- 58.- मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो, पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.

301 राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय ( लेखा संधारण और प्रस्तुति ) आदेश , 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र (असाधारण ) ", दिनांक 6 जून, 1997 में प्रकाशित हुआ है, उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा.

माह जुलाई , 2012 में सम्पन्न हुए नगर परिषद्, सैलाना , जिला रतलाम के आम निर्वाचन में श्री कुलदीप सिंह " बाबला " अध्यक्ष पद के अभ्यर्थी थे . इस नगर परिषद के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 9 जुलाई, 2012 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् 8 अगस्त, 2012 तक, श्री कुलदीप सिंह " बाबला " को निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी रतलाम के पास दाखिल किया जाना था, किन्तु उप जिला निर्वाचन अधिकारी रतलाम के पत्र दिनांक 3 सितम्बर , 2012 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार श्री कुलदीप सिंह " बाबला " द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.

विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत नहीं करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर श्री कुलदीप सिंह " बाबला " को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 11 अक्टूबर 2012 को जारी किया गया. कारण बताओ सूचना पत्र में श्री कुलदीप सिंह " बाबला " से जवाब (लिखित अभ्यावेदन ) कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था. नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है, उनके विरुद्ध एक पक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.

अभ्यर्थी श्री कुलदीप सिंह " बाबला " को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 15 नवम्बर को तामील कराया गया. अतः उनको दिनांक 30 अक्टूबर 2012 तक अपना उत्तर प्रस्तुत करना था . आयोग द्वारा श्री कुलदीप सिंह " बाबला " को कारण बताओ सूचना पत्र तामीली पश्चात् निर्धारित अवधि ( 15 दिन ) में व्यय लेखा/ अभ्यावेदन प्रस्तुत किये जाने के संबंध में कलेक्टर से उनका अभिमत चाहा गया. उप जिला निर्वाचन अधिकारी जिला रतलाम से प्राप्त प्रतिवेदन दिनांक 22 जुलाई 2013 में प्रतिवेदित किया कि कारण बताओ नोटिस तामीली के उपरान्त प्रतिवेदन दिनांक तक अभ्यर्थी श्री कुलदीप सिंह " बाबला " द्वारा इस कार्यालय में प्रस्तुत नहीं किया गया है .

आयोग द्वारा विचारोपरान्त अभ्यर्थी श्री कुलदीप सिंह " बाबला " को दिनांक 10 दिसम्बर 2013 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु आयोग कार्यालय में बुलाया गया . अभ्यर्थी श्री कुलदीप सिंह " बाबला " सुनवाई में उपस्थित नहीं हुए. जबिक अभ्यर्थी श्री कुलदीप सिंह " बाबला " को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना पत्र दिनांक 25 अक्टूबर 2013 की तामीली विहित समयावधि में कराई जा चुकी थी.

302

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

उपरोक्त विवेचना से स्पष्ट है कि श्री कुलदीप सिंह " बाबला " द्वारा विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया. अतः आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा विहित समयावधि में प्रस्तुत नहीं करने का कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है.

अतः मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ग के उपबन्धों के अन्तर्गत श्री कुलदीप सिंह " बाबला " को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगर परिषद् सैलाना, जिला रतलाम का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश की तारीख से 05 वर्ष ( पांच वर्ष) की कालावधि के लिए निरर्हित ( अयोग्य ) घोषित किया जाता है.

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- (जी. पी. श्रीवास्तव ) सचिव, मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

आर. सी. वी. पी. नरोन्हा प्रशासन अकादमी मध्यप्रदेश, भोपाल (विभागीय परीक्षा प्रकोष्ठ )

भोपाल , दिनांक 6 जनवरी 2014

क्र. 121-453- अका-विपप्र- 2013 -संशोधन. - राज्य शासन द्वारा विभागीय परीक्षा माह जनवरी 2013 को प्रश्नपत्र- सिविल , विधि तथा प्रक्रिया ( पुस्तकों सहित केवल अधिनियम ) , सम्पन्न हुआ था, कीअधिसूचना क्रमांक 2684-452-अका-विपप्र-2013 , दिनांक16 अप्रैल 2013 को जारी की गई थी, में भोपाल संभाग से सम्मिलित परीक्षार्थी श्री सातन राव देशमुख , राजस्व निरीक्षक अंकित है , के स्थान पर अब श्री सातन राव देशमुख, नायब तहसीलदार पढ़ा जाए.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, गोपा पाण्डेय, विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी.

कार्यालय , कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी , जिला - मुरैना, मध्यप्रदेश

मुरैना, दिनांक 24 दिसम्बर 2013

क्र. 1-2013 - MNV /R- कोला.नियं.-मध्यप्रदेश शासन, गृह ( सी -अनुभाग ) विभाग मंत्रालय , वल्लभ भवन भोपाल के पत्र क्रमांक एफ 44-10-2013 - दो- सी -1 , भोपाल, दिनांक 14 नवम्बर 2013 द्वारा माननीय राष्ट्रीय हरित अभिकरण द्वारा आवेदन क्रमांक 8-13 में पारित निर्णय दिनांक 8 अक्टूबर 2013 के तारतम्य में जिले के अन्तर्गत शांत क्षेत्र ( Silence Zone ) अधिसूचित करने की कार्यवाही करने के निर्देश दिये गये हैं. अतः , मध्यप्रदेश कोलाहल नियंत्रण अधिनियम, 1985 की धारा 18 के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, मैं मदन कुमार, जिला दण्डाधिकारी, जिला मुरैना, मुरैना जिले के निम्नानुसार क्षेत्र को कोलाहल प्रतिबन्धित क्षेत्र ( Silence Zone) घोषित करता हूं तथा आदेशित करता हूं कि निम्न शांत क्षेत्र में कोई भी व्यक्ति, व्यक्तिगण किसी भी प्रकार की ध्वनि विस्तारण जिसमें वाद्य संगीत, ढोल, लाउड स्पीकर , साउण्ड बाक्स आदि शामिल हैं का उपयोग नहीं करेगा. यदि कोई व्यक्ति, व्यक्तिगण ऐसा करते पाया जाता है तो वह मध्यप्रदेश कोलाहल नियंत्रण अधिनियम, 1985 की धारा 15 ( 1 ) ( 2 ) एवं 16 के अंतर्गत दण्डनीय होगा.

स्थान का नाम

कोलाहल प्रतिबंधित अवधि (4)

घोषित क्षेत्र की सीमा

(3)

क्र. (1)

(2)

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

1 कमिश्नर, कार्यालय

प्रातः 10.00 बजे से शाम 6.50 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

2 जिला एवं सत्र न्यायालय, मुरैना

प्रातः 10.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

3 कलेक्टर कार्यालय , मुरैना

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

4 जिला चिकित्सालय, मुरैना

5 शिक्षा नगर, रोड मुरैना

सम्पूर्ण क्षेत्र

प्रातः 10.00 बजे से शाम 6.50 बजे तक पूर्ण दिन अर्थात् 24 घण्टे

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

6 शा. स्नातकोत्तर महाविद्यालय , मुरैना

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

7 शासकीय चिकित्सालय , पोरसा

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक पूर्ण दिन अर्थात् 24 घण्टे

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

8 कार्यालय तहसीलदार, पोरसा

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

9 शास. कन्या उ. मा. वि. बा . मा. वि. , पोरसा.

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक 10 कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) अम्बाह .

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

11 शास. उ. मा. वि. , बानमोर भाग 1 ]

303

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(1)

(2)

(4)

(3)

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

12 न्यायालय परिसर एम. एस. रोड, जौरा

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

13 कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व ) जौरा.

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

14 कार्यालय तहसीलदार, जौरा

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

15 सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, जौरा

पूर्ण दिन अर्थात् 24 घण्टे

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

16 शासकीय महाविद्यालय , जौरा

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

17 शास. बा. उ. मा. वि. , जौरा

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

18 कार्यालय तहसीलदार, कैलारस

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

19 शास. बालक उ. मा. वि. , कैलारस

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

20 सामुदायिक स्वा. केन्द्र, झुण्डपुरा

पूर्ण दिन अर्थात् 24 घण्टे

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

21 शास . मा. एवं हाईस्कूल वार्ड क्र. 8 , झुण्डपुरा.

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

22 न्यायालय क्षेत्र, सबलगढ़

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

23 कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) सबलगढ़ .

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

24 शास . नेहरू महाविद्यालय , सबलगढ़

प्रातः 08.00 बजे से शाम 6.00 बजे तक

100 मीटर की परिधि का क्षेत्र

25 सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, सबलगढ़ यह आदेश तत्काल प्रभाव से प्रभावशील होगा.

पूर्ण दिन अर्थात् 24 घण्टे.

मदन कुमार, जिला दण्डाधिकारी .

कार्यालय, कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ( मण्डी निर्वाचन ) , सीहोर, मध्यप्रदेश

सीहोर, दिनांक 8 जनवरी 2014

क्र. 304- स्था. निर्वा. मण्डी निर्वा-2014.- मध्यप्रदेश कृषि उपज मण्डी अधिनियम, 1972 की धारा 11 ( 1 ) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, मैं, कवीन्द्र कियावत, कलेक्टर सीहोर, मण्डी अधिनियम की धारा 11 ( 1 ) ( घ) के अनुक्रम में मध्यप्रदेश कृषि उपज मण्डी ( लोकसभा तथा विधान सभा सदस्य की मण्डी समिति में सदस्यता तथा प्रतिनिधि का नामनिर्देशन ) नियम 2010 के अंतर्गत सीहोर जिले की निम्नानुसार कृषि उपज मण्डी समितियों के लिये एतद्वारा प्रतिनिधि नामनिर्दिष्ट करता हूं :-

क्र.

मण्डी समिति

नामनिर्दिष्ट प्रतिनिधि का

का नाम

(2)

(1)

1

04-आष्टा

2

06- इछावर

3

07-श्यामपुर

4

09- बकतरा

नाम व पता (3)

सांसद/विधायक जिनके प्रतिनिधि नियुक्त किये गये हैं (4)

सांसद प्रतिनिधि

श्री बापूलाल मालवीय , निवासी ग्राम अरोलिया, तह. आष्टा, जिला सीहोर.

सांसद प्रतिनिधि

श्री राधेश्याम कबाड़ी, नि. इछावर, तह. इछावर, जिला-सीहोर.

सांसद प्रतिनिधि

श्री रामनिवास पचौरी , नि. ग्राम बाजार गांव पो . बरखेड़ा हसन, तह. श्यामपुर, जिला-सीहोर.

विधायक प्रतिनिधि

श्री रघुवीर सिंह चौहान, नि. ग्राम मछबाई , तह. बुधनी, जिला सीहोर.

कवीन्द्र कियावत, कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी.

304

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

राज्य शासन के आदेश

राजस्व विभाग

कार्यालय , कलेक्टर, जिला नरसिंहपुर, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन,

राजस्व विभाग

नरसिंहपुर, दिनांक 23 दिसम्बर 2013

प्र. क्र. 15 - अ- 82- वर्ष 2012-13 पत्र-क्र. 590 - भू-अर्जन- 2013.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में अर्जित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की, उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन -

(क ) जिला- नरसिंहपुर

(ख) तहसील- गोटेगांव

(ग ) ग्राम- बांसखेड़ा नं.बं. 74,

(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.194 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

0.105

201/1 , 201/2

205/1

0.034

0.055

200/1

योग .. 0.194

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बांसखेड़ा माईनर नहर निर्माण हेतु.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , कार्यालय कलेक्ट्रेट , नरसिंहपुर कक्ष क्र. 84 में किया जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, संजीव सिंह , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय , कलेक्टर, जिला पन्ना, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग पन्ना, दिनांक 28 दिसम्बर 2013

प्र. क्र. 069 - अ- 82- वर्ष 2012-2013.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- पन्ना

(ख) तहसील - देवेन्द्रनगर

(ग) ग्राम-कोहनी

(घ) लगभग क्षेत्रफल-2.075 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर कुल अर्जित रकबा (हे. में)

भूमि का प्रकार (3) (1)

(2)

61

0.254

निजी भूमि 74/2

0.012

निजी भूमि 75/2

0.015

निजी भूमि 74/1

0.012

निजी भूमि

0.016

75/1

निजी भूमि 80

0.025

निजी भूमि 73/1

0.350

निजी भूमि 81

0.276

निजी भूमि 83/1

0.040

निजी भूमि

0.070

82/1

निजी भूमि 280

0.378

निजी भूमि 286

0.061

निजी भूमि 283

0.196

निजी भूमि 288/1

0.031

निजी भूमि 310

0.029

निजी भूमि 288/2ख

0.161

निजी भूमि 288/2क

0.002

निजी भूमि

0.147

309

निजी भूमि

2.075

योग

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- डोभा तालाब योजना के अन्तर्गत नहर निर्माण कार्य हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , पन्ना के न्यायालय में किया जा सकता है.

प्र. क्र. 083- अ- 82-वर्ष 2012-2013.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के खाने ( 2 ) में उल्लिखित भूमि की सार्वजनिक भाग 1 ]

305

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- पन्ना

(ख) तहसील- पन्ना

(ग ) ग्राम- इटवांकला

(घ) लगभग क्षेत्रफल-7.443 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

भूमि का प्रकार

कुल अर्जित रकबा (हे. में)

(2)

(3) (1)

1508

0.251

निजी भूमि 1509

0.304

निजी भूमि 1510/2

1.000

निजी भूमि

0.320

1506

निजी भूमि 1510/1

0.133

निजी भूमि

0.030

1531/1

निजी भूमि 1530

0.035

निजी भूमि 1505

0.093

निजी भूमि

0.101

1504

निजी भूमि 1511

0.110

निजी भूमि

0.010

1512

निजी भूमि

0.030

1513

निजी भूमि

0.120

1517

निजी भूमि 1503

0.129

निजी भूमि

0.100

1518/1

निजी भूमि

0.400

1502

निजी भूमि

0.263

1501

निजी भूमि

0.010

1496

निजी भूमि

0.142

1497

निजी भूमि 1498

0.093

निजी भूमि

0.109

1499/2

निजी भूमि 1471

0.105

निजी भूमि 1472

0.024

निजी भूमि

0.058

1473/1

निजी भूमि 1473/2

0.058

निजी भूमि

0.058

1473/3

निजी भूमि 1500

0.194

निजी भूमि

0.043

1499/3

निजी भूमि

0.083

1499/1

निजी भूमि

0.154

1480

निजी भूमि

0.057

1481

निजी भूमि

0.575

1482

निजी भूमि

0.069

1483

निजी भूमि

0.010

1488/1

निजी भूमि

(2)

(3) (1)

0.013

1454/1

निजी भूमि

0.061

1457

निजी भूमि

0.040

1451

निजी भूमि

0.040

1452

निजी भूमि

0.024

1453

निजी भूमि

0.011

1454/2

निजी भूमि 1455

0.045

निजी भूमि

0.050

1456/1

निजी भूमि 1458/1

0.016

निजी भूमि

0.020

1462/1

निजी भूमि

0.020

1463/1

निजी भूमि

0.015

1464/1

निजी भूमि

0.015

1465/1

निजी भूमि 1466/1

0.055

निजी भूमि 1467/1

0.036

निजी भूमि 1468/1

0.029

निजी भूमि

0.040

1475/1

निजी भूमि 1456/2

0.051

निजी भूमि 1458/2

0.016

निजी भूमि

0.020

1462/2

निजी भूमि

0.020

1463/2

निजी भूमि 1464/2

0.015

निजी भूमि

0.015

1465/2

निजी भूमि 1466/2

0.054

निजी भूमि

0.037

1467/2

निजी भूमि

0.028

1468/2

निजी भूमि

0.041

1475/2

निजी भूमि

0.089

1459

निजी भूमि 1460

0.049

निजी भूमि

0.081

1469

निजी भूमि 1474

0.170

निजी भूमि

0.121

1470

निजी भूमि 1476

0.113

निजी भूमि

0.105

1479

निजी भूमि 1477

0.109

निजी भूमि

0.328

1478

निजी भूमि

0.040

1448

निजी भूमि

0.060

1461

निजी भूमि

0.080

1450/1

निजी भूमि योग .. 7.443

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-डोभा तालाब योजना के अन्तर्गत बेस्ट वियर निर्माण कार्य हेतु.

(3 ) भूमिका नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं भू-अर्जन अधिकारी , पन्ना के न्यायालय में किया जा सकता है .

306

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

प्र. क्र. 095- अ- 82 - वर्ष 2012-2013.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- पन्ना

(ख) तहसील-अजयगढ़

(ग) ग्राम- धवारी

(घ) लगभग क्षेत्रफल-55.68 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

भूमि का प्रकार

कुल अर्जित रकबा (हे. में)

(2)

(3) (1)

228

0.19

निजी भूमि 229

0.55

निजी भूमि

0.24

231

निजी भूमि 354

0.26

निजी भूमि

0.08

355

निजी भूमि 505

0.14

निजी भूमि

0.06

506

निजी भूमि 507

0.10

निजी भूमि

0.15

647

निजी भूमि

0.10

648

निजी भूमि

0.18

649

निजी भूमि

0.30

651

निजी भूमि 652

0.29

निजी भूमि 653

0.30

निजी भूमि 654

0.11

निजी भूमि 655

0.23

निजी भूमि

0.30

755

निजी भूमि 756

0.15

निजी भूमि 757

0.06

निजी भूमि

0.12

232

निजी भूमि

0.05

233

निजी भूमि 234

0.27

निजी भूमि

0.26

235

निजी भूमि

0.35

279

निजी भूमि 353

0.11

निजी भूमि 468

0.04

निजी भूमि 474

0.53

निजी भूमि

0.40

476

निजी भूमि

(3)

(2)

(1)

0.06

642

निजी भूमि

0.01

282

निजी भूमि 285

0.30

निजी भूमि

0.14

289

निजी भूमि

0.14

293/1

निजी भूमि 300/1

0.02

निजी भूमि

0.07

293/2

निजी भूमि 294/1

0.04

निजी भूमि

0.05

295/1

निजी भूमि 300/2

0.30

निजी भूमि

0.20

294/2

निजी भूमि 295/2

0.14

निजी भूमि 529/2

1.48

निजी भूमि 558

0.06

निजी भूमि

0.30

296

निजी भूमि 297

0.41

निजी भूमि 298

0.19

निजी भूमि 299

0.18

निजी भूमि 301

0.15

निजी भूमि

0.32

303

निजी भूमि 304

0.23

निजी भूमि

0.23

306

निजी भूमि 307

0.21

निजी भूमि 408

0.21

निजी भूमि 410

0.18

निजी भूमि

0.06

411

निजी भूमि 413

0.30

निजी भूमि

0.22

414

निजी भूमि 523

0.14

निजी भूमि

0.27

531

निजी भूमि

0.20

532

निजी भूमि 541

0.09

निजी भूमि 543

0.13

निजी भूमि 679

1.06

निजी भूमि 308

0.35

निजी भूमि

0.30

309

निजी भूमि 310

0.47

निजी भूमि

1.17

680

निजी भूमि

1.27

311

निजी भूमि 312

0.59

निजी भूमि

0.24

314

निजी भूमि 315

0.11

निजी भूमि 316

0.01

निजी भूमि 321

0.05

निजी भूमि भाग 1 ]

307

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(3)

(2)

(1)

322

0.07

निजी भूमि

0.32

334

निजी भूमि 337

0.32

निजी भूमि 339

0.42

निजी भूमि 340

0.34

निजी भूमि 341

0.03

निजी भूमि 342

0.14

निजी भूमि

0.26

473

निजी भूमि 475

0.11

निजी भूमि 477

0.23

निजी भूमि 513

0.11

निजी भूमि 515

0.29

निजी भूमि

0.32

516

निजी भूमि 517

0.13

निजी भूमि 528

0.10

निजी भूमि 338

0.23

निजी भूमि

0.05

618/1

निजी भूमि

0.15

621/2

निजी भूमि

0.22

343

निजी भूमि

0.14

344

निजी भूमि

0.24

345

निजी भूमि 346

0.13

निजी भूमि 347

0.33

निजी भूमि 348

0.16

निजी भूमि

0.11

349

निजी भूमि 350

0.15

निजी भूमि 351

0.29

निजी भूमि

0.17

352

निजी भूमि

0.30

684

निजी भूमि

0.12

399

निजी भूमि 400

0.14

निजी भूमि 404

0.02

निजी भूमि

0.12

406

निजी भूमि 407

0.12

निजी भूमि 415

0.21

निजी भूमि

0.14

416

निजी भूमि

0.04

677

निजी भूमि 418

0.19

निजी भूमि 419

1.03

निजी भूमि 422

0.48

निजी भूमि

0.18

443

निजी भूमि

0.05

446

निजी भूमि

1.30

455

निजी भूमि

1.20

456

निजी भूमि

(3) (1)

(2)

0.23

459

निजी भूमि 461

0.36

निजी भूमि 487

0.38

निजी भूमि 488

0.11

निजी भूमि 460

0.10

निजी भूमि 485

0.05

निजी भूमि

0.21

486

निजी भूमि

0.16

495

निजी भूमि 462

0.64

निजी भूमि

1.81

465

निजी भूमि 469

0.13

निजी भूमि

0.39

494/1

निजी भूमि

0.18

557

निजी भूमि 704

0.02

निजी भूमि 466

0.85

निजी भूमि 467

0.38

निजी भूमि

0.20

470/1

निजी भूमि

0.40

483/2/क

निजी भूमि

0.18

470/2

निजी भूमि

0.80

483/2/ख

निजी भूमि

0.70

478/2

निजी भूमि

0.12

481

निजी भूमि 482

0.02

निजी भूमि 489

0.25

निजी भूमि 490

0.16

निजी भूमि

0.10

491

निजी भूमि

0.11

492

निजी भूमि 493

0.24

निजी भूमि 512

0.26

निजी भूमि

0.16

494/2

निजी भूमि

0.20

499

निजी भूमि 497

0.87

निजी भूमि 556

0.04

निजी भूमि

0.10

500

निजी भूमि 502

0.04

निजी भूमि

0.06

503

निजी भूमि 504

0.03

निजी भूमि

0.29

526

निजी भूमि 527

0.32

निजी भूमि

0.15

758

निजी भूमि 759

0.02

निजी भूमि 514

0.10

निजी भूमि 519

0.56

निजी भूमि

0.33

520

निजी भूमि 308

(2)

(3) (1)

0.14

518

निजी भूमि

0.25

529/1

निजी भूमि

0.24

672

निजी भूमि

0.06

674

निजी भूमि

0.45

675

निजी भूमि 533

0.45

निजी भूमि

0.24

534

निजी भूमि 535

0.48

निजी भूमि 536

0.07

निजी भूमि

0.17

537

निजी भूमि

0.46

554

निजी भूमि

0.04

538

निजी भूमि 540

0.03

निजी भूमि

0.02

546

निजी भूमि

0.38

539

निजी भूमि

0.06

550

निजी भूमि

0.06

660

निजी भूमि 661

0.14

निजी भूमि 662

0.18

निजी भूमि 663

0.26

निजी भूमि

0.30

664

निजी भूमि 665

0.24

निजी भूमि

0.28

669

निजी भूमि

0.40

670

निजी भूमि

0.50

676

निजी भूमि

0.99

678

निजी भूमि 703/1

0.60

निजी भूमि 542

0.10

निजी भूमि 544

0.12

निजी भूमि

0.23

545

निजी भूमि

0.19

547

निजी भूमि 548

0.10

निजी भूमि 549

0.18

निजी भूमि 560

0.14

निजी भूमि 617

0.08

निजी भूमि

0.05

618/2

निजी भूमि

0.16

658

निजी भूमि

0.23

659

निजी भूमि

0.20

666

निजी भूमि

0.19

667

निजी भूमि

0.27

668

निजी भूमि

0.42

671

निजी भूमि

2.00

681/2

निजी भूमि 703/2

0.05

निजी भूमि

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(2)

(3) (1)

0.25

763

निजी भूमि 764

0.40

निजी भूमि

0.04

767

निजी भूमि

0.21

775

निजी भूमि

55.68

योग

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बहादुरगंज तालाब योजना के अन्तर्गत बांध निर्माण कार्य हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी , अजयगढ़ के न्यायालय में किया जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, मुकेश चन्द गुप्ता, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय , कलेक्टर, जिला दतिया, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग दतिया, दिनांक 28 दिसम्बर 2013

क्र. 03 - अ-82-2012-13 .- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है:-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- दतिया

(ख) तहसील- बड़ौनी

(ग ) ग्राम-छता

(घ ) अर्जित क्षेत्रफल-1.17 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

रकबा

(हे. में) (2)

(1)

0.09

845

0.03

847

0.11

848 भाग 1 ]

309

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(1)

(2)

849

0.01

852

0.02

0.06

850

851

0.02

0.03

886

0.02

887

888

0.05

936

0.06

921

0.04

922

0.02

1088

0.03

926

0.02

927

0.04

0.02

928

0.03

929

937

0.04

0.04

938

0.07

1057

1059

0.03

0.05

1058

0.03

1087

0.01

1193

0.02

1089

0.04

1090

0.06

1091

1092

0.05

0.01

1191

0.02

1192

योग 1.17

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- सिंध परियोजना दायीं तट नहर ( महुअर नदी तक ) आर.बी.सी. की छता माइनर के निर्माण हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) भू-अर्जन अधिकारी , भू- अर्जन शाखा कलेक्ट्रेट , दतिया के कार्यालय में देखा जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, रघुराज राजेन्द्रन, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय, प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, जिला रीवा, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग रीवा , दिनांक 31 दिसम्बर 2013

पत्र क्र. 2428 - भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की, सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत , इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- त्योंथर

(ग ) ग्राम- बड़ागांव

(घ ) लगभग क्षेत्रफल -0.497 हेक्टेयर.

खसरा नं .

रकबा

(हे. में)

(2)

(1)

निजी भूमि

713

0.032

748

0.108

754

0.087

795

0.082

0.102

990

0.032

1141

1836

0.007

2438

0.023

3741

0.024

योग 0.497

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर उद्वहन सिंचाई योजना के माइनर नहर " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

310

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

पत्र क्र. 2430- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की, सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख) तहसील- त्योंथर

(ग ) ग्राम- शिवपुरवा कोठार

(घ) लगभग क्षेत्रफल -0.066 हेक्टेयर.

खसरा नं.

रकबा (हे. में) (2)

(1)

81

0.003

0.063

84/1

0.066

योग

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर उद्वहन सिंचाई योजना के माइनर नहर " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्तियों के अर्जन हेतु.

(3) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 2432- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की , सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत , इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख) तहसील- त्योंथर

[भाग 1 (ग) ग्राम- बुदामा

(घ) लगभग क्षेत्रफल -0.188 हेक्टेयर.

खसरा नं.

रकबा (हे. में)

(2)

(1)

0.007

6

10

0.100

0.012

11

31

0.069 0.188

योग

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर उद्वहन सिंचाई योजना के माइनर नहर " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

पत्र क्र. 2434 - भू-अर्जन -2012.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात कासमाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की, सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत , इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- त्योंथर

(ग) ग्राम- सहलोलवा

(घ ) लगभग क्षेत्रफल -0.883 हेक्टेयर.

खसरा नंबर

अर्जित रकबा (हे. में) (2)

(1)

97

0.010

100

0.132

0.042

105

130

0.146

145/1

0.030

145/2

0.015

0.100

147 भाग 1 ]

311

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

(2)

(1)

0.020

150

0.030

203

0.358

331

योग 0.883

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर उद्वहन सिंचाई योजना के माइनर नहर " में आने वाली निजी /शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

क्र. 2436 - प्रका.- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत, एतद्वारा , घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-सीधी

(ख) तहसील- रामपुरनैकिन

(ग ) ग्राम- पटेहरा

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 1.56 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा

(हे. में )

(2)

(1)

(अ ) निजी भूमि का विवरण

0.08

922

0.04

923

0.02

924

0.12

953

0.05

959

962

0.11

0.07

977/2

0.01

1230

1231

0.02

0.04

1232

(2)

(1)

0.01

1233

1253

0.03

1254

0.03

0.02

1255

1261

0.09

1273

0.05

1274

0.02

1275

0.03

1276

0.03

1277

0.02

1278

0.02

0.02

1279

0.02

1281

1282

0.02

0.02

1283

1284

0.02

0.02

1290

0.02

1291

0.04

1296

1297

0.02

1298

0.02

0.02

1300

1301

0.02

1396

0.03

0.04

1399

1400

0.02

1411

0.02

0.03

1416

0.05

1417

1418/1

0.01

1418/2

0.04

1420

0.04

0.04

1479

1480

0.02 योग (अ) 1.51

(ब ) म.प्र. शासन की भूमि का विवरण 979 0.02

1272

0.03

योग ( ब) .. 0.05 महायोग ( अ+ ब) . 1.56 312

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत रामपुर वितरक नहर की पटेहरा सब -माईनर के निर्माण में आने वाले ग्रामों की निजी भूमि/ शासकीय भूमि तथा उस पर स्थित सम्पत्तियों के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, आर. डी. एस. अग्निवंशी, प्रशासक एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय, कलेक्टर, जिला अशोकनगर , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग अशोकनगर, दिनांक 31 दिसम्बर 2013

क्र. क्यू- भू- अर्जन- 777-780-2012-13.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि क्षेत्रफल सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, एतद्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन -

(क) जिला-अशोकनगर

(ख ) तहसील-अशोकनगर

(ग ) ग्राम- जुग्या

(घ) लगभग क्षेत्रफल-2.513 हेक्टेयर.

सर्वे नंबर

प्रस्तावित क्षेत्रफल (हे. में)

(2)

(1)

0.123

131/1

0.016

132/2

133

0.001

0.020

131/2

134

0.233

0.035

142/1क

0.032

142/1 ख

141

0.032

0.540

144

(2)

(1)

0.065

222/2 ग

0.162

222/1

0.324

223/2

218/2

0.162

218/4

0.149

0.220

218/1 क

0.084

213/1 क

0.025

214/3क

214/1

0.130

214/2

0.160

योग.. 2.513

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बरखेड़ा छज्जू बांध की बायीं तट की नहर के निर्माण हेतु स्थायी अर्जन.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का अवलोकन कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी भू-अर्जन अधिकारी, अनुविभाग , अशोकनगर एवं कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग , अशोकनगर में कार्यालयीन समय में किया जा सकता है.

क्र. क्यू- भू-अर्जन-782-785-2012-2013 .- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि क्षेत्रफल सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक , सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, एतद्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है : -

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-अशोकनगर

(ख) तहसील- अशोकनगर

(ग) ग्राम- अनन्तपुर

(घ) लगभग क्षेत्रफल- 1.000 हेक्टेयर.

सर्वे नंबर

प्रस्तावित क्षेत्रफल (हे. में)

(1)

(2)

184/3

0.103

0.032

185 में

0.020

186/मिन-2 भाग 1 ]

313

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(2)

(1)

0.012

186/मिन-1

187/1क

0.014

188/1

0.032

187/1

0.007

0.007

187/1 ख

187/2

0.014

176/2क

0.011

176/3

0.013

176/4

0.004

0.098

191

192/1

0.011

192/2

0.011

192/3

0.011

0.070

193

0.037

173/1

0.029

173/2

0.054

195/1 क

0.112

137/2

0.123

137/1

136

0.143

0.032

134/2

योग.. 1.000

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बरखेड़ा छज्जू बांध की बायीं तट की नहर के निर्माण हेतु स्थायी अर्जन.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का अवलोकन कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी , भू-अर्जन अधिकारी , अनुविभाग , अशोकनगर एवं कार्यालय कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग , अशोकनगर में कार्यालयीन समय में किया जा सकता है.

क्र. क्यू- भू- अर्जन- 787-790-2012-2013.- चूंकि , राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि क्षेत्रफल सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, एतद्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-अशोकनगर

(ख) तहसील- अशोकनगर

(ग) ग्राम-जलालपुर

(घ) लगभग क्षेत्रफल-1.965 हेक्टेयर.

सर्वे नंबर

प्रस्तावित क्षेत्रफल (हे. में)

(1)

(2)

212

0.066

0.204

211, 216

210/1

0.185

0.100

207/1

204/1

0.233

0.100

240/1 मिन 1

241/2

0.116

0.025

240/1 मि. 2

0.120

239 मिन 1

0.117

236/3

236/2

0.094

0.135

231/2

0.015

233

402/2

0.300

0.155

433मिन 1

1.965

योग..

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बरखेड़ा छज्जू बांध की बायीं तट की नहर के निर्माण हेतु स्थायी अर्जन.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का अवलोकन कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी , भू-अर्जन अधिकारी , अनुविभाग, अशोकनगर एवं कार्यालय कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग, अशोकनगर में कार्यालयीन समय में किया जा सकता है.

क्र. क्यू- भू-अर्जन- 792-796-2012-2013.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि क्षेत्रफल सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, एतद्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है : -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन -

(क) जिला-अशोकनगर

(ख) तहसील-अशोकनगर 314

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(ग ) ग्राम- तूमेन

(घ) लगभग क्षेत्रफल-4.261 हेक्टेयर.

सर्वे नंबर

प्रस्तावित क्षेत्रफल (हेक्टेयर में) (1)

(2)

0.148 93/1

0.300 91

84/1

0.200

0.065 84/2

83/3

0.019

0.048 83/2

85/3

0.065

0.065 85/1

0.085 85/2

85/4

0.045

0.068 85/5

75/ 2ख

0.200

0.045 72

29/1

0.029 19

0.150 27

0.162

0.226 14

0.001 13

5/3

0.050 12

0.090

0.120 8

0.016 7

5/4ख

0.134

0.081 2

0.013 297

0.214 357/2मिन-2

0.166 312

0.010 317

295

0.087

0.020 356 1 मिन

355 1 मिन

0.150 367

0.024

0.050 424

0.032 423

422

0.020 368

0.090

0.108 394

395

0.013 396

0.086

(2)

(1)

421/1

0.040

421/2

0.033

401

0.191

0.135

414

0.108

408

412

0.259

योग.. 4.261

( 2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बरखेड़ा छज्जू बांध की बायीं तट की नहर के निर्माण हेतु स्थायी अर्जन.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का अवलोकन कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी , भू- अर्जन अधिकारी अनुविभाग , अशोकनगर एवं कार्यालय, कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग, अशोकनगर में कार्यालयीन समय में किया जा सकता है.

क्र. क्यू- भू- अर्जन- 797-800-2012-2013.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि क्षेत्रफल सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894) की धारा 6 के अंतर्गत एतद्वारायह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-अशोकनगर

(ख ) तहसील- अशोकनगर

(ग) ग्राम- मढ़ी तूमेन

(घ ) लगभग क्षेत्रफल-2.637 हेक्टेयर.

सर्वे नंबर

प्रस्तावित क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)

(1)

(2)

205

0.050

207

0.023

0.100

210

211/2

0.100

0.090

213/मिन 2

0.010

213/1 मिन भाग 1 ]

315

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

(2)

(1)

312

0.005

311

0.100

310

0.060

0.040

320

0.080

309/मिन 1

322

0.025

0.110

306/1

306/2

0.110

305

0.020

329/ 1 क

0.001

306/3

0.140

329/2ख मिन 1

0.015

329/1 ख मिन 2

0.004

300/2 मिन 1

0.237

330/1

0.125

299/1

0.100

286/3

0.050

288

0.020

0.150

295

294/3

0.038

83/5

0.050

85/2

0.022

86

0.022

93/1

0.076

90

0.076

0.010

89/1

101/1

0.015

106

0.065

105

0.086

104

0.101

0.111

59

53/1

0.015

0.015

53/2

52

0.060

89/2

0.005

91/1

0.015

49/1

0.050

49/2

0.040

योग.. 2.637

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बरखेड़ा छज्जू बांध की बायीं तट की नहर के निर्माण हेतु स्थायी अर्जन.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का अवलोकन कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी , भू-अर्जन अधिकारी अनुविभाग , अशोकनगर एवं कार्यालय , कार्यपालन यंत्री , जल संसाधन संभाग , अशोकनगर में कार्यालयीन समय में किया जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, उपेन्द्रनाथ शर्मा, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव .

कार्यालय, कलेक्टर, जिला गुना मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग गुना, दिनांक 31 दिसम्बर 2013

प्र. क्र. 15- अ- 82-2012-13- मावन-465.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधन हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की, उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- गुना

(ख) तहसील- गुना

(ग) नगर/ ग्राम-मावन

(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.627 हेक्टेयर.

सर्वे नम्बर

रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

228/1/5

0.209

228/1/6

0.209

228/1/7

0.209

योग : 0.627

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- स्पाइसेस बोर्ड ग्राम मावन बाउण्ड्रीवाल निर्माण हेतु.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण अनुविभागीय , अधिकारी (राजस्व) गुना तथा क्षेत्राधिकारी आफिसर इंचार्ज स्पाइसेस बोर्ड गुना के कार्यालय में किया जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, संदीप यादव , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

316

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

कार्यालय , कलेक्टर, जिला विदिशा , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग विदिशा , दिनांक 31 दिसम्बर 2013

प्र. क्र. 12 - अ- 82-12-13- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा संबंधित व्यक्तियों को सूचित किया जाता है कि उल्लेखित भूमि की बघरू मध्यम परियोजना की डूब क्षेत्र के लिये आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- विदिशा

(ख) तहसील- त्योंदा

(ग) ग्राम- रहमानपुर

(घ ) लगभग क्षेत्रफल-0.506 हेक्टेयर.

अर्जित किये जाने वाला सर्वे नं.

अनुमानित क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)

(2)

(1)

0.127

0.106

191/1/2

0.273

186/1

0.506

कुल योग ..

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- बघरू मध्यम परियोजना के डूब क्षेत्र की भूमि के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , बासौदा के कार्यालय में कार्यालयीन समय में किया जा सकता है .

प्र. क्र. 13 - अ- 82-12-13- भू-अर्जन. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा संबंधित व्यक्तियों को सूचित किया जाता है कि उल्लेखित भूमि की बघरू मध्यम परियोजना की डूब क्षेत्र के लिये आवश्यकता है:-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- विदिशा

(ख) तहसील-त्योंदा

(ग ) ग्राम- नयागांव

(घ ) लगभग क्षेत्रफल-21.925 हेक्टेयर.

सर्वे नं.

अर्जित किये जाने वाला अनुमानित क्षेत्रफल (हेक्टेयर में )

(2)

(1)

0.376

137/1

0.805

137/2

138/1

0.199

1.922

138/2

1.045

139

142/1

1.442

142/2/क

0.418

142/2/ख

1.672

142/3

3.710

0.732

142/4

1.296

144

0.115

146/2

0.157

146/3 , 147

0.635

148/1

0.635

148/2

1.269

148/3

0.073

149/1

1.433

149/2

0.648

150/2

0.539

153

0.679

313

0.799

162

0.667

163

0.115

164/1

164/2

0.115

168/1

0.143

0.071

168/2/क

0.073

168/2/ख

168/3

0.142

21.925

कुल योग

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- बघरू मध्यम परियोजना के डूब क्षेत्र की भूमि के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण , अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , बासौदा के कार्यालय में कार्यालयीन समय में किया जा सकता है .

भाग 1 ]

317

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

प्र. क्र. 14- अ-82-12-13.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा संबंधित व्यक्तियों को सूचित किया जाता है कि उल्लेखित भूमि की बघरू मध्यम परियोजना की डूब क्षेत्र के लिये आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- विदिशा

(ख) तहसील- त्योंदा

(ग) ग्राम-खिरिया

(घ) लगभग क्षेत्रफल- 15.182 हेक्टेयर.

सर्वे क्रमांक

अर्जित किये जाने वाला अनुमानित क्षेत्रफल (हेक्टेयर में) (1)

(2)

1.839

2, 3 , 4, 5

9

0.042

0.401

10/1

10/2

0.366

12/1

0.731

0.732

12/2

13/1

0.491

0.492

13/2

14

0.251

0.851

15/2

0.262

16

17/2

0.909

24/2

0.350

15/1

0.852

17/1

0.909

18

0.105

2.393

21, 22

23

0.084

24/1

1.000

25

0.094

39/1

0.867

37

0.073

0.073

38

39/2

0.209

0.806

160

15.182

कुल योग

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- बघरू मध्यम परियोजना के डूब क्षेत्र की भूमि के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , बासौदा के कार्यालय में कार्यालयीन समय में किया जा सकता है.

प्र. क्र. 15- अ-82-12-13. - चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा संबंधित व्यक्तियों को सूचित किया जाता है कि उल्लेखित भूमि की बघरू मध्यम परियोजना की डूब क्षेत्र के लिये आवश्यकता है: -

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन -

(क) जिला- विदिशा

(ख) तहसील - त्योंदा

(ग) ग्राम-त्योंदा

(घ) लगभग क्षेत्रफल-52.640 हेक्टेयर.

सर्वे क्रमांक

अर्जित किये जाने वाला अनुमानित क्षेत्रफल (हेक्टेयर में) (1)

(2)

0.827

760/1

0.802

760/2

751

0.337

1.359

749/1

749/3

0.432

0.096

970/1 क

0.165

970/1 ख

0.515

970/ 1 ग

0.374

970/1 घ

970/2

0.500

0.627

974/1/1

974/1/3

0.627

0.627

974/1/2

0.752

974/1/4

974/2/2

0.230

974/2/1

0.836

975

0.800

2.515

976

977

0.158 318

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(1)

(2)

0.362 990

1.568 991

0.304 992/2/ 1घ

992/2/2

0.539 992/2/3

1.000

0.506 993/1

992/1

0.596

0.210 993/2

0.423 955/1

0.020 955/2

956/1

0.300

0.200 956/2

0.200 956/3

957/1

0.099 957/2

0.098

0.098 957/3

0.098 957/4

957/5

0.098 959/1

0.340 959/2

0.835

0.340 959/3

960/1

1.182

0.188 961

960/2

0.072

0.081 962/1

962/2

0.075 962/3

0.091 963

0.010

0.052 964

966/2

1.375 821

0.073

0.021 822

0.230 823

824

0.209 825

0.105

0.026 826/1 क

0.340 832/1क

0.026 826/ 1ख

832/ 1 ख

0.339

0.125 826/2

0.052 827

0.230 832/2

828

0.428 833

0.439 (1)

(2)

834

0.105

0.752

874

0.177

885

887

0.700

0.418

890

0.480

891/2

0.147

891/1

0.679

892

0.288

893

1.944

895

405

0.136

407/2

0.141

0.012

400

0.058

394

408/1

0.021

0.021

408/2

0.261

410, 411

412/1

0.052

0.042

412/2

415

0.021

416

0.240

0.112

435/1

0.732

253

289/2

0.383

290/2

0.122

0.645

1184/3

0.500

1184/4

0.440

1184/5

1.107

1211/1

1.108

1211/2

0.021

1190/1/1

1190/1/2

0.397

1.797

1190/2

1190/3

1.986

0.596

1190/4ख

1.045

1188/1 , 1189/1

0.945

1188/2 , 1189/2

1193/2

2.100

1.034

1193/1

1.158

1193/3

0.273

1196/1

1196/2

0.981

0.450

1197/1

1197/2

0.679

1196/3

0.752

52.640

कुल योग भाग 1 ]

319

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- बघरू मध्यम परियोजना के डूब क्षेत्र की भूमि के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , बासौदा के कार्यालय में कार्यालयीन समय में किया जा सकता है.

प्र. क्र. 16- अ-82-12-13.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा संबंधित व्यक्तियों को सूचित किया जाता है कि उल्लेखित भूमि की बघरू मध्यम परियोजना की डूब क्षेत्र के लिये आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन -

(क) जिला- विदिशा

(ख ) तहसील-त्योंदा

(ग) ग्राम- सुमेरकासम

(घ) लगभग क्षेत्रफल-32.443 हेक्टेयर.

सर्वे क्रमांक

अर्जित किये जाने वाला अनुमानित क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)

(2)

(1)

215/1

0.048

244

0.042

236/2

0.047

0.385

169/2

158

0.627

153

0.392

154

0.219

0.209

155

156

0.105

238

0.138

0.136

239

240

0.073

0.042

241

205

0.272

207

0.021

208

0.052

209

0.021

210

0.105

211

0.157

(2)

(1)

1.202

212

0.136

220

222

0.146

0.084

223

0.042

224

225

0.084

226

0.105

0.115

227/1 , 227/2

228/1

0.026

0.026

228/2

229

0.084

0.010

232

0.094

233/1

233/2

0.094

0.105

247, 248

0.272

249

0.052

250

251

0.063

0.049

252/1

0.024

252/2

0.006

253/1/1

253/1/2

0.005

253/2

0.041

0.052

276

277/2

1.033

102/1

0.115

102/2

0.115

0.523

103/1

103/2

0.523

106/1

0.569

0.152

106/2

107/1

0.465

107/2

0.099

1.045

57

0.032

59

60/2/2

1.961

0.178

61

0.146

62

63

0.178

0.240

64

0.650

65/1/क

0.152

65/2/क

0.627

65/2/ख

0.836

65/2/ग 320

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(2)

(1)

66/1

0.188

66/2

0.387

68

0.742

69

0.115

71

1.327

0.886

72, 73 , 74 , 75/1/1

0.484

75/1/2

2.091

75/2 , 77 , 78/2

0.397

76

0.115

78/1

0.544

79

1.673

80, 84

81

1.766

1.672

85/1

1.284

85/2

0.616

86/2

86/1

0.314

0.917

87/1

0.003

87/2

1.275

91

योग .. 32.443

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- बघरू मध्यम परियोजना के डूब क्षेत्र की भूमि के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , बासौदा के कार्यालय में कार्यालयीन समय में किया जा सकता है.

प्र. क्र. 17- A82-12-13 .- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा संबंधित व्यक्तियों को सूचित किया जाता है कि उल्लेखित भूमि की बघरू मध्यम परियोजना की डूब क्षेत्र के लिये आवश्यकता है: -

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- विदिशा

(ख) तहसील - त्योंदा

(ग) ग्राम- पिपरिया दौलत

(घ) लगभग क्षेत्रफल-10.318 हेक्टेयर.

सर्वे क्रमांक

अर्जित किये जाने वाला अनुमानित क्षेत्रफल (हेक्टेयर में )

(2)

(1)

5/2

0.085

0.028

45/1

45/2

0.029

45/3

0.028

0.173

49/1

50/1

0.230

47

0.401

46/1

0.313

46/2

0.314

61/1/2

0.313

0.773

62/1

0.429

62/2/क

0.152

62/2/ख/2

0.034

64/1/1

0.068

64/1/2

0.034

64/1/3

0.136

64/2

64/3

0.125

66

0.094

72

0.136

73

0.094

0.094

74

75/2/1

0.131

75/2/2

0.094

75/3

0.262

86/1

0.094

0.105

86/2

0.094

87

0.146

88/1

0.136

88/2

0.105

89

90

0.105

0.136

91

0.314

93

95

0.073

96/1

0.136

97

0.243

213/1

0.554

214

0.256 भाग 1 ]

321

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

(2)

(1)

120/2/2

0.349

124/2

0.65

125/2

0.084

0.259

126/2, 127/2

127/3

0.259

0.112

128/1

0.170

128/2

0.052

115

0.387

129

130

0.502

0.144

252/2

0.283

249/3

योग .. 10.318

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये भूमि की आवश्यकता है- बघरू मध्यम परियोजना के डूब क्षेत्र की भूमि के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , बासौदा के कार्यालय में कार्यालयीन समय में किया जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, एम. बी. ओझा , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय , कलेक्टर, जिला उज्जैन, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग उज्जैन , दिनांक 3 जनवरी 2014

क्र. 92- भूमि संपादन-2013 .- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक , सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है :-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- उज्जैन

(ख) तहसील- उज्जैन

(ग ) ग्राम-जीवनखेडी

(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.275 हेक्टर.

सर्वे नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टर में) (1)

(2)

0.030

54/17 min

0.015

54/17 min 1

0.230

9/1/2/1

योग .. 0.275

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- उज्जैन सिंहस्थबायपास मार्ग निर्माण हेतु जीवनखेडी तहसील उज्जैन, जिला उज्जैन के अंतर्गत आवश्यक निजी भू- अर्जन विषयक.

(3 ) भूमि अर्जन का नक्शा ( प्लान ) कार्यालय , अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , उज्जैन, जिला उज्जैन के न्यायालय में देखा जा सकता है.

प्र. क्र. 94- अ - 82-12-13.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है : -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- उज्जैन

(ख ) तहसील- खाचरौद

(ग) ग्राम- बेड़ावन्या

(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.39 हेक्टर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टर में )

(2)

(1)

184

0.07

1160

0.06

1117/5

0.26 योग .. 0.39 (2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- उज्जैन- जावरा मार्ग.

322

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कार्यालय, अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , खाचरौद, जिला उज्जैन के कार्यालय में देखा जा सकता है .

प्र. क्र. 99- अ-82-12-13.- चूंकि , राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है :-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- उज्जैन

(ख) तहसील-खाचरौद

(ग ) ग्राम- बिरियाखेड़ी

(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.33 हेक्टर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा

(हेक्टर में)

(2)

(1)

396/3

0.06

408

0.10

424/2

0.03

0.08

422

445

योग

0.06 0.33

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- उज्जैन- जावरा मार्ग.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) कार्यालय, अनुविभागीय अधिकारी एवं भू- अर्जन अधिकारी , खाचरौद, जिला उज्जैन के कार्यालय में देखा जा सकता है.

क्र. 100- भूमि संपादन-2013.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक , सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है : -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- उज्जैन

(ख) तहसील- उज्जैन

[भाग 1 (ग) ग्राम- कस्बा उज्जैन

(घ) लगभग क्षेत्रफल- 14.809 हेक्टर.

सर्वे नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

3302

0.030

0.180

3303/3

3306

0.560

0.030

3307/2

3205/1

0.010

0.250

3212/1 m .

0.145

3291/1/2 m .

0.145

3291/1/2/2 m .

1.350

3289

0.157

3288/2 m.

0.468

3288/1 m .

0.080

3331

0.020

3286/2

0.280

3286/3

3237

0.410

0.523

3234/4

3236

0.030

0.030

3234/3

3235/1

0.490

0.060

3233/1 m . , 3233/1 m .

0.146

3204/1/1 m .

0.169

3204/1/1 m . 5

3212/1

0.400

0.430

3211

3198/2

0.030

3206/1

0.180

3199/1

0.130

0.490

3176, 3175

3193

0.150

3183

0.050

0.470

3178/1

3163/4

0.167

0.650

3164

3179

0.040

3158

0.650

3162

0.600

3182

0.040

0.021

3156/1

3157/1

0.044 323

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

भाग 1 ]

(2)

(1)

3156/2

0.042

3157/2

0.050

3154/2

0.033

0.177

3152 m .

0.393

3152 m .

0.050

3088/1/2 , 3089/3 , 3090/2

0.320

499/2

0.005

505/2

505/1

0.005

0.060

502

500

0.020

0.010

3091/1 , 3091/2

0.080

501/2

0.070

490

0.259

489/2

441/1

0.146

0.081

440

0.223

441/2, 441/4,

511 , 512

510

0.430

0.018

488

0.290

431

418

0.350

404

0.210

0.060

411

0.080

405/2

406

0.090

0.087

405/1

400

0.350

0.020

401

3287

0.095

0.050

3303/1

3308/1

0.090

0.210

3303/2

0.020

3168

0.100

3165/1 , 3166/1

0.110

3165/2 , 3166/2

0.020

3191

योग .. 14.809

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- उज्जैन सिंहस्थ बायपास मार्ग निर्माण हेतु ग्राम कस्बा उज्जैन, तहसील उज्जैन, जिला उज्जैन के अंतर्गत आवश्यक निजी भू-अर्जन विषयक.

(3 ) भूमि अर्जन का नक्शा ( प्लान ) कार्यालय , अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , उज्जैन, जिला उज्जैन के न्यायालय में देखा जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एम. शर्मा, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय , कलेक्टर, जिला राजगढ़ ( ब्यावरा ) , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन,

राजस्व विभाग

राजगढ़ , दिनांक 4 जनवरी 2014

क्र. 58-59- भू-अर्जन-2013 .- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया कि नीचे अंकित अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, इसके द्वारा , यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है :-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- राजगढ़

(ख) तहसील - राजगढ़

(ग) ग्राम- पाटनखुर्द एवं मुरारिया

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 40.282 हेक्टेयर.

सर्वे नम्बर

रकबा (हेक्टेयर में )

(2)

(1)

ग्राम-पाटनखुर्द

0.069

183/1

0.070

183/2

0.146

194/2

197/2

0.076

199/2

0.097

0.750

198

199/1

0.097

0.180

184/1

0.186

191/2

0.228

190/2

192/2

0.019

0.012

195/3

196/3

0.054

0.150

184/2

0.228

190/3

0.186

191/3

192/2

0.019

0.055

196/1

0.013

195/1

0.200

185

191/1

0.185

184/3

0.149

0.013

195/2

196/2

0.055

193

0.063 324

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(2) (1)

200/1/1

0.075 200/1/2

0.075 200/2

0.130 217

0.038 218

0.228 219

0.089 220

0.038 221/1

0.012 222/1

0.046 221/2

0.026 223/1

0.050 226/5

0.024

0.046 222/3

0.047 226/6

0.024

0.070 226/1

229

0.417

0.025 230

473/10

0.253

0.500 470/2

470/3

0.750

0.750 470/4

472/2

0.500 472/3

0.500 473/1

0.379

0.379 473/2

473/3

0.379

0.253 473/4

473/5

0.253

0.253 473/6

0.500 443/15

0.379 473/7

473/8

0.379 473/9

0.379 473/11

0.755 182में से

6.425

0.400 189

0.145 194/1

0.076 197/1

227

1.250

0.190 228

0.227 190/1

475/4

0.202 223/2

0.051

0.024 226/3

223/3

0.050

0.024 226/4

0.051 223/4

226/2

0.024

0.126 225

473/12

0.755

0.500 473/13

(2)

(1)

473/14

0.990

473/16

0.500

0.076

475/1/1

0.930

475/2

1.170

475/3

योग .. 26.487

ग्राम- मुरारिया

0.180

193 में से

0.759

194/1 में से

194/2में से

0.450

0.450

194/3

0.126

287/1

221

0.250

282में से

0.465

0.100

286/1

0.100

286/2

286/3

0.100

287/2/1

1.998

1.050

301 में से

0.666

287/2/2/1

287/2/2/2

0.664

0.666

287/2/2/3

0.820

288/1 में से

0.848

289/1

289/3

0.390

289/2/1

0.316

289/2/2

0.317

289/4

0.630

290/1

0.600

290/2

0.110

0.100

291/2

0.110

291/1 में से

0.100

293/1

293/2

0.100

0.020

294में से

0.050

295/4

0.180

296

0.540

297 में से

0.100

299/1

0.100

299/2

0.340

300

योग .. 13.795 कुल योग . 40.282

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यक है- पाटनखुर्द तालाब के डूब क्षेत्र में प्रभावित भूमि हेतु.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) , राजगढ़ के कार्यालय में किया जा सकता है .

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, इलैयाराजा टी. , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

325

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

भाग 1 ]

कार्यालय, कलेक्टर, जिला रायसेन, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग रायसेन , दिनांक 26 दिसम्बर 2013

प्र. क्र. 5- अ- 82-12-13.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है :-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रायसेन

(ख ) तहसील- उदयपुरा

(ग) ग्राम-केवलारी

(घ) लगभग क्षेत्रफल-2.754 हेक्टर .

खसरा क्रमांक

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में)

कुल रकबा (एकड़ में)

(2)

(3) (1)

0.040

1.30

63/1/1

63/2/1

1.70

7.50

0.162 64/1

0.125

1.89

66

137/1

6.00

0.243

11.98

0.206 138

3.31

0.081 139/2

0.081 139/3

3.31

9.32

0.202 139/1

0.105 140/2

4.11

5.44

0.121 148/1

140/3/2

4.00

0.178

एवं

एवं

1.00

140/3/1

5.00

0.121 148/2

2.97

154/1

0.150

9.46

170/1

0.259 170/2

9.46

0.186

5.03

170/3/1

0.170

एवं

एवं

4.46

170/3/2

(3) (1)

(2)

172/1/2

1.08

0.081

एवं

एवं

172/1/1

2.14

172/2/1

0.07

0.061 एवं

एवं

172/2/2

2.15

0.061 172/3

3.22

174/1/1/1/1

1.37

0.121 एवं

एवं

174/1/1/1/2

1.36

कुल योग 2.754 (2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है.- जलाशय नहर निर्माण हेतु.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी, राजस्व बरेली के कार्यालय में किया जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, जे. के. जैन , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय , कलेक्टर, जिला उज्जैन, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग उज्जैन , दिनांक 6 दिसम्बर 2013

क्र. 7878 - भूमि संपादन-2013.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है : -

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- उज्जैन

(ख) तहसील- उज्जैन

(ग) ग्राम-पाण्याखेडी

(घ) लगभग क्षेत्रफल-1.751 हेक्टर.

सर्वे नम्बर

रकबा (हेक्टर में )

(2)

(1)

0.005

150/3/1 326

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

(2)

(1)

152/1

0.018

0.069

156/1

0.430

167 , 168 , 169/238 ,

167/239 , 169

0.380

170/मीन-2

0.320

174/3 व 4

228/4

0.160

0.180

228/5

0.045

173/6/1

0.050

228/3

0.094

173/1 , 173/4,173/5

कुल योग 1.751

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- उज्जैन शहर में एम.आर. - 5 मार्ग पर रेलवे समपार क्रमांक 29 -ए उज्जैन भोपाल रेलखंड कि.मी. 57/38-40 पर आर.ओ.बी. कानिर्माण कार्य हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व) एवं भू-अर्जन अधिकारी , उज्जैन के न्यायालय में देखा जा सकता है.

उज्जैन , दिनांक 4 जनवरी 2014

क्र. 112- भूमि संपादन-2013 .-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 ( क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता है : -

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन -

(क) जिला- उज्जैन

(ख ) तहसील- उज्जैन

(ग) ग्राम-मंगरोला

(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.050 हेक्टर.

सर्वे नम्बर

रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

0.050

845

योग .. 0.050

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- उज्जैन सिंहस्थ बायपास मार्ग निर्माण हेतु मंगरोला तहसील उज्जैन जिला उज्जैन के अन्तर्गत आवश्यक निजी भू- अर्जन विषयक.

(3 ) भूमि अर्जन का नक्शा ( प्लान ) कार्यालय अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , उज्जैन जिला उज्जैन के न्यायालय में देखा जा सकता है .

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. एम. शर्मा, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय, कलेक्टर, जिला विदिशा , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग विदिशा , दिनांक 13 जनवरी 2014

प्र. क्र. 13 - अ-82-12-13.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा यह भी घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का विवरण-

(क) जिला-विदिशा

(ख) तहसील- नटेरन

(ग ) ग्राम- जामिनपुर

(घ) लगभग क्षेत्रफल-3.596 हेक्टेयर.

सर्वे नं.

रकबा (हे. में)

(2)

(1)

374/1

0.520

375/2

0.307

376/1

0.480

377/1

0.180

209/2

0.060

209/1

0.060

210

0.670

208/2

0.032

208/3

0.032

192/2

0.070

203

0.05

184/1/1

0.030 भाग 1 ]

327

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

(1)

(2)

182/1

0.050

182/2

0.060

182/4

0.050

179/4

0.060

179/5

0.230

179/6

0.060

0.060

159/1

321/1

0.070

321/2

0.073

395/1

0.392

कुल योग .. 3.596

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- सगड़ मध्यम परियोजना के नहर निर्माण हेतु.

( 3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) कार्यालय का निरीक्षण जिलाध्यक्ष के कार्यालय , भू-अर्जन अधिकारी , शमशाबाद के कार्यालय एवं कार्यपालन यंत्री , संजय सागर परियोजना बाह नदी संभाग, गंजबासौदा के कार्यालय में किया जा सकता है.

प्र. क्र. 14- अ- 82-2012-13 .- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा यह भी घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का विवरण-

(क) जिला-विदिशा

(ख) तहसील- नटेरन

(ग) ग्राम- बबचिया

(घ) लगभग क्षेत्रफल-2.059 हेक्टेयर.

सर्वे नं.

रकबा

(हे. में)

(1)

(2)

0.440

69

(1)

(2)

73/4

0.350

73/2

0.150

73/3

0.150

72/1

0.100

72/2

0.190

74

0.150

376

0.309

374

0.020

0.200

395/1

कुल योग .. 2.059

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- सगड़ मध्यम परियोजना के नहर निर्माण हेतु .

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण जिलाध्यक्ष के कार्यालय , भू- अर्जन अधिकारी , शमशाबाद के कार्यालय एवं कार्यपालन यंत्री, संजय सागर परियोजना बाह नदी संभाग, गंजबासौदा के कार्यालय में किया जा सकता है .

प्र. क्र. 15 - अ- 82-2012-13 .-चूंकि, राज्य शासन को इस बात कासमाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा यह भी घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का विवरण-

(क) जिला-विदिशा

(ख) तहसील- नटेरन

(ग ) ग्राम- रजोदा

(घ) लगभग क्षेत्रफल-1.127 हेक्टेयर.

सर्वे नं.

रकबा

(हे. में)

(1)

(2)

573/1

0.100

573/2

0.100 328

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

(1)

(2)

574/1/1/1

0.586

0.341

577

कुल योग .. 1.127

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- सगड़ मध्यम परियोजना के नहर निर्माण हेतु.

( 3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण जिलाध्यक्ष के कार्यालय , भू-अर्जन अधिकारी , शमशाबाद के कार्यालय एवं कार्यपालन यंत्री, संजय सागर परियोजना बाह नदी संभाग, गंजबासौदा के कार्यालय में भी किया जा सकता है .

प्र. क्र. 16- अ-82-2012-13.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा यह भी घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है: -

अनुसूची

(1 ) भूमि का विवरण-

(क) जिला- विदिशा

(ख) तहसील- नटेरन

(ग ) ग्राम- तोफाखेड़ी

(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.200 हेक्टेयर.

सर्वे नं.

रकबा

(हे. में)

(1)

(2)

0.090

76/2

0.020

101/2

76/4

0.090

0.200

कुल योग ..

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- सगड़ मध्यम परियोजना के नहर निर्माण हेतु.

(3 ) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण जिलाध्यक्ष के कार्यालय , भू-अर्जन अधिकारी , शमशाबाद के कार्यालय एवं कार्यपालन यंत्री, संजय सागर परियोजना बाह नदी संभाग , गंजबासौदा के कार्यालय में किया जा सकता है.

प्र. क्र. 25 - अ - 82-2012-13.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अन्तर्गत इसके द्वारा यह भी घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का विवरण-

(क) जिला-विदिशा

(ख ) तहसील- शमशाबाद

(ग ) ग्राम-सतपाड़ा हाट

(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.755 हेक्टेयर.

सर्वे नं.

रकबा

(हे. में)

(2)

(1)

220/1

0.105

0.090

622/2/1 क

622/2/2ख

0.075

3/2

0.125.

3/3

0.135

72

0.225

कुल योग .. 0.755

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- सगड़ मध्यम परियोजना के नहर निर्माण हेतु.

(3) भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण जिलाध्यक्ष के कार्यालय, भू-अर्जन अधिकारी , शमशाबाद के कार्यालय एवं कार्यपालन यंत्री , संजय सागर परियोजना बाह नदी संभाग, गंजबासौदा के कार्यालय में किया जा सकता है .

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, एम. बी. ओझा, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

भाग 1 ]

उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं

उच्च न्यायालय, मध्यप्रदेश, जबलपुर जबलपुर, दिनांक 20 दिसम्बर 2013

क्र. A- 4828- दो - 2-71-2013 .- श्री राकेश कुमार गुप्त , रजिस्ट्रार (एडमिनीस्ट्रेशन ) , उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश, जबलपुर को मध्यप्रदेश शासन , विधि और विधायी कार्य विभाग , भोपाल के आदेश क्रमांक-3- ( ए) 19-03-इक्कीस - ब( एक) , दिनांक 15 जून 2006 के अनुक्रमांक 12 ( 1 ) के अन्तर्गत दिनांक 1 नवम्बर 2011 से 31 अक्टूबर 2013 तक 2 वर्ष की ब्लाक अवधि हेतु तीस दिवस के अर्जित अवकाश को नगद भुगतान के लिए समर्पित करनें की स्वीकृति प्रदान की जाती है.

क्र. A -4830- दो-2-67-2013 .- श्री नवीन कुमार सक्सेना, रजिस्ट्रार ( ज्युडिशीयल -2 ) , उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश, जबलपुर को मध्यप्रदेश शासन , विधि और विधायी कार्य विभाग , भोपाल के आदेश क्रमांक- 3- ( ए ) 19-03 - इक्कीस - ब ( एक) , दिनांक 15 जून 2006 के अनुक्रमांक 12 ( 1 ) के अन्तर्गत दिनांक 1 नवम्बर 2011 से 31 अक्टूबर 2013 तक 2 वर्ष की ब्लाक अवधि हेतु तीस दिवस के अर्जित अवकाश को नगद भुगतान के लिए समर्पित करने की स्वीकृति प्रदान की जाती है.

माननीय मुख्य न्यायाधिपति महोदय के आदेशानुसार, व्ही. बी. सिंह, रजिस्ट्रार.

जबलपुर, दिनांक 23 दिसम्बर 2013

क्र. A-4853-दो- 2-58-2013.- श्री अनुपम श्रीवास्तव, प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , टीकमगढ़ को मध्यप्रदेश शासन, विधि और विधायी कार्य विभाग , भोपाल के आदेश क्रमांक- 3- ( ए) 19- 03- इक्कीस- ब (एक ) , दिनांक 15 जून 2006 के अनुक्रमांक 12( 1 ) के अन्तर्गत दिनांक 1 नवम्बर 2011 से 31 अक्टूबर 2013 तक 2 वर्ष की ब्लाक अवधि के लिए तीस दिवस के अर्जित अवकाश को नगद भुगतान के लिए समर्पित करने की स्वीकृति प्रदान की जाती है.

क्र. A- 4860- दो- 2-54-2013 .- श्री हरिशंकर वैश्य, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , शहडोल को मध्यप्रदेश शासन, विधि और विधायी कार्य विभाग , भोपाल के आदेश क्रमांक- 3- (ए) 19-03- इक्कीस- ब( एक) , दिनांक 15 जून 2006 के अनुक्रमांक 12 ( 1 ) के अन्तर्गत दिनांक 1 नवम्बर 2011 से 31 अक्टूबर 2013 तक 2 वर्ष की ब्लाक अवधि के लिए तीस दिवस के अर्जित अवकाश को नगद भुगतान के लिए समर्पित करने की स्वीकृति प्रदान की जाती है .

329

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

क्र. A-4862-दो- 2-15-2012.- श्री सुरेन्द्र सिंह रघुवंशी, प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय , सागर को दिनांक 18 से 21 नवम्बर 2013 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए चार दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 17 नवम्बर 2013 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .

अवकाश से लौटने पर श्री सुरेन्द्र सिंह रघुवंशी , प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय , सागर को सागर पुनः पदस्थापित किया जाता है.

अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री सुरेन्द्र सिंह रघुवंशी उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.

क्र. A-4864-दो- 2-53-2007 .- श्री आर . के. गोस्वामी , अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय, भोपाल को दिनांक 26 से 28 नवम्बर 2013 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए तीन दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.

अवकाश से लौटने पर श्री आर. के. गोस्वामी, अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय, भोपाल को भोपाल पुनः पदस्थापित किया जाता है.

अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री आर. के. गोस्वामी, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .

क्र. A-4866- दो- 2-36-2008.-श्री आर. के. गुप्ता, प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय, रीवा को दिनांक 4 से 11 अक्टूबर 2013 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए आठ दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 12, 13 , 14, 15 एवं 16 अक्टूबर 2013 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.

अवकाश से लौटने पर श्री आर. के. गुप्ता , प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय, रीवा को रीवा पुनः पदस्थापित किया जाता है .

कम्यटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

330

प्रमाणित किया जाता है कि श्री आर. के. गुप्ता, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.

क्र. D- 7564-दो-2-71-2009.- श्री एच. पी. सिंह , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , सागर को मध्यप्रदेश शासन, विधि और विधायी कार्य विभाग , भोपाल के आदेश क्रमांक - 3- ( ए) 19-03 - इक्कीस- ब ( एक ) , दिनांक 15 जून 2006 के अनुक्रमांक 12 ( 1 ) के अन्तर्गत दिनांक 1 नवम्बर 2011 से 31 अक्टूबर 2013 तक 2 वर्ष की ब्लाक अवधि के लिए तीस दिवस के अर्जित अवकाश को नगद भुगतान के लिए समर्पित करने की स्वीकृति प्रदान की जाती है .

क्र. D- 7567- दो - 2-50-13 .- श्री श्रीराम शर्मा, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , बड़वानी को मध्यप्रदेश शासन, विधि और विधायी कार्य विभाग , भोपाल के आदेश क्रमांक- 3- ( ए) 19-03 - इक्कीस - ब ( एक ) , दिनांक 15 जून 2006 के अनुक्रमांक 12( 1 ) के अन्तर्गत दिनांक 1 नवम्बर 2011 से 31 अक्टूबर 2013 तक 2 वर्ष की ब्लाक अवधि के लिए तीस दिवस के अर्जित अवकाश को नगद भुगतान के लिए समर्पित करने की स्वीकृति प्रदान की जाती है.

क्र. D- 7573- दो - 2-44-2012 .- श्री अनिल कुमार श्रीवास्तव, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , सतना को दिनांक 26 से 29 नवम्बर 2013 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए चार दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 24 एवं 25 नवम्बर 2013 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.

अवकाश से लौटने पर श्री अनिल कुमार श्रीवास्तव , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, सतना को सतना पुनः पदस्थापित किया जाता है .

अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री अनिल कुमार श्रीवास्तव उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .

क्र. D-7587-दो- 2-65-11.- श्री जे . पी . माहेश्वरी , प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय , भोपाल को मध्यप्रदेश शासन, विधि और विधायी कार्य विभाग , भोपाल के आदेश क्रमांक - 3- ( ए) 19- 03- इक्कीस- ब ( एक) , दिनांक 15 जून 2006 के अनुक्रमांक 12 ( 1 ) के अन्तर्गत दिनांक 1 नवम्बर 2011 से 31 अक्टूबर 2013 तक 2 वर्ष की ब्लाक अवधि के लिए तीस दिवस के अर्जित अवकाश को नगद भुगतान के लिए समर्पित करने की स्वीकृति प्रदान की जाती है .

क्र. D- 7589-दो-2-25-2013 .- श्री एस. के. रघुवंशी, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मण्डलेश्वर को दिनांक 18 से 19 नवम्बर 2013 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए दो दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 17 नवम्बर 2013 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 जनवरी 2014

अवकाश से लौटने पर श्री एस. के. रघुवंशी, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मण्डलेश्वर को मण्डलेश्वर पुनः पदस्थापित किया जाता है .

अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री एस. के. रघुवंशी उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.

क्र. D- 7591-दो-2-21-2005.- श्री उल्हास बापट, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , सीहोर को दिनांक 7 से 13 दिसम्बर 2013 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए सात दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 14 एवं 15 दिसम्बर 2013 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.

अवकाश से लौटने पर श्री उल्हास बापट , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , सीहोर को सीहोर पुनः पदस्थापित किया जाता है.

अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री उल्हास बापट, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.

जबलपुर, दिनांक 26 दिसम्बर 2013

क्र. D - 7700- दो-2-109-06.- श्री पी. एस. पाटीदार, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , शाजापुर को मध्यप्रदेश शासन , विधि और विधायी कार्य विभाग, भोपाल के आदेश क्रमांक- 3- ( ए) 19-03- इक्कीस - ब ( एक ) , दिनांक 15 जून 2006 के अनुक्रमांक 12( 1 ) के अन्तर्गत दिनांक 1 नवम्बर 2011 से 31 अक्टूबर 2013 तक 2 वर्ष की ब्लाक अवधि के लिए तीस दिवस के अर्जित अवकाश को नगद भुगतान के लिए समर्पित करने की स्वीकृति प्रदान की जाती है.

माननीय प्रशासनिक न्यायाधिपति महोदय के आदेशानुसार, व्ही. बी. सिंह, रजिस्ट्रार.

जबलपुर, दिनांक 24 दिसम्बर 2013

क्र. A- 4910- तीन- 10-42-75- ( देवास - कन्नौद) . -उच्च न्यायालय की अधिसूचना क्रमांक ई/3271 / तीन - 10-42/75 (देवास - कन्नौद ) , दिनांक 2 अगस्त 2011 जहां तक कि उसका संबंध श्री भरत सिंह ओहरिया, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , बागली की श्रृंखला न्यायालय , कन्नौद से है, को एतद्वारा आगामी आदेश तक निरस्त किया जाता है .

भाग 1 ]

331

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 जनवरी 2014

No. A- 4910- III - 10-42-75- ( Dewas - Kanod) .-High Court Notification No. E/3271 / III - 10-42/ 75 ( Dewas- Kannod) , dated 2nd August 2011 , so far as it relates to holding of Link Court of Shri Bharat Singh Ouhariya , Additional District & Sessions Judge Baglli to Kannod is hereby cancelled till further order.

क्र. A-4912- तीन-10-42-75-( देवास-खातेगांव ) .-मध्यप्रदेश सिविल कोर्ट एक्ट, 1958 ( अधिनियम क्रमांक 19 सन् 1958 ) की धारा 12 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, उच्च न्यायालय एतद्वारा निर्देशित करता है कि श्री शिवबदन वर्मा, द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, देवास अपने घोषित कार्यस्थल देवास के अतिरिक्त खातेगांव में भी प्रत्येक माह 15 दिवस बैठक करेंगे .

No. A- 4912- III - 10-42-75- ( Dewas- Khategaon) .- In exercise of the powers conferred by Section 12 of the Madhya Pradesh Civil Cout Act, 1958 (Act No. 19 of 1958) the High Court of Madhya Pradesh hereby directs that Shri Shivbadan Verma , IInd Additional Distirct & Session Judge , Dewas in addition to his place of siting declared at Dewas shall also sit at Khategaon for 15 days in each month .

उच्च न्यायालय के आदेशानुसार, बिपिन बिहारी शुक्ला, रजिस्ट्रार. (डी.ई. ) जबलपुर, दिनांक 24 दिसम्बर 2013

क्र. 1388-गोपनीय- 2013-दो-3-100-2013 .- उच्च न्यायालय, मध्यप्रदेश श्रीमती ऋतुश्री उईके , प्रथम व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग -2 , इन्दौर के न्यायालय के पंचम् अतिरिक्त न्यायाधीश , इन्दौर ( प्रशिक्षु जज ) का विवाह उपरान्त नाम परिवर्तन " श्रीमती ऋतुश्री गुप्ता " पत्नी श्री विशाल गुप्ता करने की एतद्वारा स्वीकृति प्रदान करता है . उनके संबंधित प्रपत्रों में उनका परिवर्तित नाम अंकित किया जावे.

आदेशानुसार,

वेद प्रकाश , रजिस्ट्रार जनरल.

जबलपुर, दिनांक 17 , 20 दिसम्बर 2013

क्र. 1380- गोपनीय- 2013- II - 2-36-2007 .- भारतीय संविधान के अनुच्छेद 235 के अन्तर्गत प्रदत्त शक्तियों एवं मध्यप्रदेश श्रम न्यायिक सेवा भर्ती नियम, 2006 के उप नियम 5 ( ii ) के तहत उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश निम्नलिखित पीठासीन अधिकारी श्रम न्यायालय को मध्यप्रदेश शासन , श्रम विभाग , भोपाल के आदेश क्रमांक एफ 1 ( ए) 13-2013- ए-सोलह - भोपाल, दिनांक 6 दिसम्बर 2013 द्वारा सदस्य न्यायाधीश ( प्रवेश स्तर ) , औद्योगिक न्यायालय के पद पर अस्थायी तौर पर स्थानापन्न रूप से पदोन्नत किये जाने के फलस्वरूप निम्न सारणी के स्तम्भ ( 3 ) में निर्दिष्ट स्थान से स्तम्भ ( 4 ) में निर्दिष्ट स्थान में स्थानांतरित कर स्तम्भ ( 6 ) में दर्शित पदस्थापना पर कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से पदस्थ करता है:-

सारणी

नाम

कहां से क्रमांक

(3) रीवा (1) (2) 1 श्रीमती किरण बाला पाठक, पीठासीन अधिकारी, श्रम न्यायालय, रीवा.

कहां को

न्यायालय में पदस्थापना के संदर्भ में टिप्पणी पदस्थापना के जिले का नाम

(6)

(4) रीवा

(5) रीवा

पदोन्नति पर, सदस्य न्यायाधीश ( प्रवेश स्तर ) , औद्योगिक न्यायालय , रीवा के पद पर.

उच्च न्यायालय के आदेशानुसार, वेद प्रकाश , रजिस्ट्रार जनरल .

उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश ( सैट ) , जबलपुर

जबलपुर, दिनांक 4 दिसम्बर 2013

क्र. 316 - स्था. सैट-2013 .- श्री देवेश चतुर्वेदी, विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी ( सैट ) , उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश ( सैट ) जबलपुर को दिनांक 24 दिसम्बर 2013 से 4 जनवरी 2014 तक, बारह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है साथ ही मुख्यालय से बाहर रहने की अनुमति प्रदान की जाती है .

देय थे . (2) अवकाश अवधि में विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी ( सैट ) को वेतन भत्ते उसी प्रकार देय होंगे जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व (3 ) उक्त अवकाश से लौटने पर श्री देवेश चतुर्वेदी को अस्थायी रूप से विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी ( लेखा ) , उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश (सैट) , जबलपुर के पद पर आगामी आदेश तक पुनः पदस्थ किया जाता है.

रजिस्ट्रार महोदय के आदेशानुसार, ए. एम. येवलेकर, विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी.

Cite this issue. Madhya Pradesh Gazette, Government of Madhya Pradesh, 17 January 2014. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gazette.madhya.2014-01-17.03.Ordinary/. Archive identifier in.gazette.madhya.2014-01-17.03.Ordinary.