मध्यप्रदेश शासन
इसे वेबसाईट www.govtpressmp.nic.in से भी डाउन लोड किया जा सकता है.
सत्यमेव जयते
मध्यप्रदेश राजपत्र
प्राधिकार से प्रकाशित
क्रमांक 17]
भोपाल, शुक्रवार, दिनांक 24 अप्रैल 2015- वैशाख 4 , शक 1937
विषय-सूची
1.- ( 1 ) राज्य शासन के आदेश , ( 2 ) विभाग प्रमुखों के आदेश, भाग
(3 ) उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं, (4 ) राज्य शासन के संकल्प, ( 5 ) भारत शासन के आदेश और अधिसूचनाएं, (6 ) निर्वाचन आयोग , भारत की अधिसूचनाएं, ( 7 ) लोक- भाषा परिशिष्ट.
भाग 2.- स्थानीय निकाय की अधिसूचनाएं.
भाग 3.- ( 1 ) विज्ञापन और विविध सूचनाएं,
(2 ) सांख्यिकीय सूचनाएं,
भाग 4.- ( क) ( 1 ) मध्यप्रदेश विधेयक, ( 2 ) प्रवर समिति के प्रतिवेदन, (3) संसद् में पुरःस्थापित विधेयक,
(ख ) ( 1 ) अध्यादेश, ( 2 ) मध्यप्रदेश अधिनियम, (3) संसद् के अधिनियम,
(ग) ( 1 ) प्रारूप नियम, ( 2 ) अंतिम नियम.
भाग १
राज्य शासन के आदेश
सामान्य प्रशासन विभाग मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल भोपाल , दिनांक 31 मार्च 2015
क्र. ई- 5-557- आयएएस- लीव - एक-5.- ( 1 ) श्री राजीव रंजन, आयएएस. , आयुक्त, भू- अभिलेख एवं बंदोबस्त, ग्वालियर तथा प्रमुख राजस्व आयुक्त को दिनांक 20 अप्रैल से 20 मई 2015 तक, इक्तीस दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है , तथा उक्त अवकाश के साथ दिनांक 18-19 अप्रैल 2015 के सार्वजनिक अवकाश को जोड़ने की अनुमति प्रदान की जाती है.
(2 ) श्री राजीव रंजन की अवकाश अवधि में आयुक्त, भू- अभिलेख एवं बंदोबस्त का प्रभार श्री के. के. खरे , भाप्रसे आयुक्त, ग्वालियर संभाग को तथा प्रमुख राजस्व आयुक्त का प्रभार श्री अरूण तिवारी , भाप्रसे विकअ- सह - राहत आयुक्त एवं पदेन प्रमुख सचिव , राजस्व, पुनर्वास विभाग तथा पुनर्वास आयुक्त एवं नियंत्रक , शासकीय मुद्रण तथा लेखन सामग्री को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ - साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, सौंपा जाता है.
(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री राजीव रंजन को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न आयुक्त, भू- अभिलेख एवं बंदोबस्त, ग्वालियर तथा प्रमुख राजस्व आयुक्त के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(4 ) श्री राजीव रंजन द्वारा आयुक्त, भू-अभिलेख एवं बंदोबस्त, ग्वालियर तथा प्रमुख राजस्व आयुक्त का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री के. के. खरे, आयुक्त भू- अभिलेख एवं बंदोबस्त तथा श्री अरूण तिवारी, प्रमुख राजस्व आयुक्त के प्रभार से मुक्त होंगे.
1113
नियंत्रक, शासकीय मुद्रण तथा लेखन सामग्री, मध्यप्रदेश द्वारा शासकीय केन्द्रीय मुद्रणालय, भोपाल से मुद्रित तथा प्रकाशित- 2015.
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 अप्रैल 2015
1114
(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री विशेष गढ़पाले को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कलेक्टर, जिला सीधी के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(5 ) अवकाशकाल में श्री राजीव रंजन को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री राजीव रंजन अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .
(4) श्री विशेष गढ़पाले द्वारा कलेक्टर, जिला सीधी का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री मोहित बुंदस, कलेक्टर, जिला सीधी के प्रभार से मुक्त होंगे.
भोपाल, दिनांक 1 अप्रैल 2015
(5 ) अवकाशकाल में श्री विशेष गढ़पाले को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री विशेष गढ़पाले अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
क्र. ई - 5-416- आयएएस- लीव- एक- 5.-( 1 ) श्री के. सुरेश , आयएएस. , प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन , सामान्य प्रशासन विभाग तथा साप्रवि ( मानव अधिकार ) को दिनांक 4 से 13 अप्रैल 2015 तक दस दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. उक्त अवकाश के साथ दिनांक 14 अप्रैल 2015 के सार्वजनिक अवकाश को जोड़ने की अनुमति प्रदान की जाती है.
भोपाल, दिनांक 4 अप्रैल 2015 (2 ) श्री के. सुरेश की अवकाश अवधि में उनका प्रभार श्रीमती कंचन जैन, भाप्रसे प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन, संसदीय कार्य विभाग को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक सौंपा जाता है.
क्र. ई- 5-559- आयएएस लीव- 5- एक.- ( 1 ) श्री आशीष उपाधाय, आयएएस. , विकअ- सह- आयुक्त, कोष एवं लेखा एवं पदेन प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन , वित्त विभाग को दिनांक 6 से 25 अप्रैल 2015 तक, बीस दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री के. सुरेश को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश शासन, सामान्य प्रशासन विभाग तथा साप्रवि ( मानव अधिकार ) के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(2 ) अवकाश से लौटने पर श्री आशीष उपाधाय को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न विकअ- सह- आयुक्त, कोष एवं लेखा एवं पदेन प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन, वित्त विभाग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(4 ) श्री के. सुरेश द्वारा प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन , सामान्य प्रशासन विभाग तथा साप्रवि ( मानव अधिकार ) का कार्यभार ग्रहण करने पर श्रीमती कंचन जैन उक्त प्रभार से मुक्त होंगी.
(3) अवकाशकाल में श्री आशीष उपाधाय को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(5 ) अवकाशकाल में श्री के. सुरेश को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था .
(4) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री आशीष उपाधाय अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री के. सुरेश अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
क्र. ई - 5-865 - आयएएस लीव एक- 5.- ( 1 ) श्री व्ही . किरण गोपाल, आयएएस. , कलेक्टर, जिला बालाघाट को दिनांक 7 से 17 अप्रैल 2015 तक , ग्यारह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा अवकाश के साथ दिनांक 18 एवं 19 अप्रैल 2015 का सार्वजनिक अवकाश को जोड़ने की अनुमति प्रदान की जाती है.
क्र. ई- 5-864 - आयएएस लीव एक 5.- ( 1 ) श्री विशेष गढ़पाले , आयएएस. , कलेक्टर, जिला सीधी को दिनांक 4 से 17 अप्रैल 2015 तक, चौदह दिन का पितृत्व अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा इस अवकाश के साथ दिनांक 2 , 3 अप्रैल 2015 एवं 18, 19 अप्रैल 2015 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है .
(2) श्री व्ही. किरण गोपाल की अवकाश अवधि में उनका प्रभारी श्री तरूण राठी, भाप्रसे मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत, बालाघाट को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ - साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक सौंपा जाता है.
(2 ) श्री विशेष गढ़पाले की अवकाश अवधि में मोहित बुंदस, भाप्रसे मुख्य कार्यपालन अधिकारी एवं अपर कलेक्टर (विकास ) जिला पंचायत, सीधी को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक कलेक्टर जिला सीधी का प्रभार सौंपा जाता है .
(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री व्ही. किरण गोपाल को अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कलेक्टर , जिला बालाघाट के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
(4) श्री व्ही. किरण गोपाल द्वारा कलेक्टर, जिला बालाघाट का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री तरूण राठी उक्त प्रभार से मुक्त होंगे.
(5 ) अवकाशकाल में श्री व्ही . किरण गोपाल को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री व्ही. किरण गोपाल अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
भोपाल , दिनांक 7 अप्रैल 2015
क्र. ई - 5-546- आयएएस लीव - एक- 5.-( 1 ) श्री आई. सी. पी. केशरी, प्रमुख सचिव , मध्यप्रदेश शासन, ऊर्जा विभाग को दिनांक 16 से 26 मार्च 2015 तक, ग्यारह दिन का लघुकृत अवकाश कार्योत्तर स्वीकृत किया जाता है .
(2) अवकाशकाल में श्री आई. सी. पी. केशरी को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(3 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री आई. सी. पी. केशरी अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
क्र. ई - 5-685- आयएएस लीव- 5- एक. ( 1 ) श्री डी. पी. आहुजा, आयएएस. , प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश राज्य औद्योगिक विकास निगम तथा प्रबंध संचालक , मध्यप्रदेश ट्रेड एण्ड इंवेस्टमेंट फेसिलिटेश कार्पोशन लिमि. ( ट्रायफेक ) को ( विभागीय अनुशंसा अनुसार) दिनांक 7 से 20 अप्रैल 2015 तक, चौदह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
(2) अवकाश से लौटने पर श्री डी. पी. आहुजा को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश राज्य औद्योगिक विकास निगम तथा प्रबंध संचालक, मध्यप्रदेश ट्रेड एण्ड इंवेस्टमेंट फेसिलिटेश कार्पोशन लिमि. ( ट्रायफेक ) के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .
(3 ) अवकाशकाल में श्री डी. पी . आहुजा को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री डी. पी. आहुजा अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते .
क्र. ई - 5-802 - आयएएस- लीव- 5- एक. ( 1 ) श्री आर. ए. खण्डेलवाल , आयएएस. , आयुक्त- सह- संचालक, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास, भोपाल को दिनांक 2 से 5 मार्च 2015 तक, चार दिन का अर्जित अवकाश कार्योत्तर स्वीकृत किया जाता है तथा उक्त अवकाश के साथ दिनांक 1 मार्च एवं 6 मार्च 2015 के सार्वजनिक अवकाश को जोड़ने की अनुमति प्रदान की जाती है.
1115 (2 ) अवकाशकाल में श्री आर. ए. खण्डेलवाल को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(3 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री आर. ए. खण्डेलवाल अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
क्र. ई- 5-835- आयएएस लीव एक 5.-( 1 ) श्री कवीन्द्र कियावत , आयएएस. , कलेक्टर, जिला उज्जैन को दिनांक 25 मई से 10 जून 2015 तक, सत्रह दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
(2) श्री कवीन्द्र कियावत की अवकाश अवधि में श्री अविनाश लवानिया, भाप्रसे, मेला अधिकारी ( सिंहस्थ मेला ) उज्जैन तथा आयुक्त, नगर निगम , उज्जैन को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ - साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक कलेक्टर जिला उज्जैन का सौंपा जाता है .
(3) अवकाश से लौटने पर श्री कवीन्द्र कियावत को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक , स्थानापन्न कलेक्टर, जिला उज्जैन के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(4) श्री कवीन्द्र कियावत द्वारा कलेक्टर , जिला उज्जैन का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री अविनाश लवानिया, कलेक्टर , जिला उज्जैन के प्रभार से मुक्त होंगे.
(5 ) अवकाशकाल में श्री कवीन्द्र कियावत को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री कवीन्द्र कियावत अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
क्र. ई- 5-837- आयएएस लीव- 5 - एक. ( 1 ) श्रीमती सुनिता त्रिपाठी, आयएएस . , अपर परियोजना संचालक, माध्यमिक शिक्षा अभियान, भोपाल को दिनांक 12 से 24 जनवरी 2015 तक तेरह दिन का अर्जित अवकाश कार्योत्तर स्वीकृत किया जाता है .
(2) अवकाश से लौटने पर श्रीमती सुनिता त्रिपाठी को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न अपर परियोजना संचालक, माध्यमिक शिक्षा अभियान, भोपाल के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(3) अवकाशकाल में श्रीमती सुनिता त्रिपाठी को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्रीमती सुनिता त्रिपाठी अवकाश पर नहीं जातीं तो अपने पद पर कार्य करती रहतीं.
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
1116
क्र. ई- 5-897- आयएएस- लीव- एक - 5.- ( 1 ) श्री जे. के. जैन , आयएएस. , कलेक्टर, जिला रायसेन को दिनांक 15 से 29 अप्रैल 2015 तक, पन्द्रह दिन का एक्स इंडिया अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
(2 ) डॉ. मसूद अख्तर की अवकाश अवधि में डॉ. सत्येन्द्र सिंह , अपर कलेक्टर ( विकास ) एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत , छतरपुर को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से , आगामी आदेश तक कलेक्टर, जिला छतरपुर का प्रभार सौंपा जाता है.
(3 ) अवकाश से लौटने पर डॉ. मसूद अख्तर को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कलेक्टर, जिला छतरपुर के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(2) श्री जे. के. जैन की अवकाश अवधि में श्री अनुराग चौधरी , भाप्रसे, मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत, रायसेन को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ- साथ अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक कलेक्टर जिला रायसेन का प्रभार सौंपा जाता है.
(4 ) डॉ. मसूद अख्तर द्वारा कलेक्टर, जिला छतरपुर का कार्यभार ग्रहण करने पर डॉ. सत्येन्द्र सिंह, कलेक्टर, जिला छतरपुर के प्रभार से मुक्त होंगे .
(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री जे . के. जैन को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न कलेक्टर , जिला रायसेन के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(4) श्री जे. के. जैन द्वारा कलेक्टर, जिला रायेसन का कार्यभार ग्रहण करने पर श्री अनुराग चौधरी , कलेक्टर , जिला रायसेन के प्रभार से मुक्त होंगे.
(5 ) अवकाशकाल में डॉ. मसूद अख्तर को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि डॉ. मसूद अख्तर अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
(5 ) अवकाशकाल में श्री जे . के. जैन को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री जे . के. जैन अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
क्र. ई- 5-953 - आयएएस- लीव- 5 - एक. ( 1 ) श्री निसार अहमद, भाप्रसे ( 2003 ) आयएएस. , सचिव , मध्यप्रदेश अल्पसंख्यक आयोग को दिनांक 15 से 20 अक्टूबर 2014 तक, छः दिन का लघुकृत अवकाश कार्योत्तर स्वीकृत किया जाता है.
भोपाल, दिनांक 8 अप्रैल 2015
(2) अवकाश से लौटने पर श्री निसार अहमद, भाप्रसे ( 2003 ) को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न सचिव, मध्यप्रदेश अल्पसंख्यक आयोग के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(3 ) अवकाशकाल में श्री निसार अहमद, भाप्रसे ( 2003 ) को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
क्र. ई- 5-814- आयएएस लीव- 5- एक.-( 1 ) श्रीमती उर्मिल मिश्रा, आयएएस. , आयुक्त, पिछड़ा वर्ग कल्याण , भोपाल को दिनांक 11 से 13 मार्च 2015 तक, तीन दिन का लघुकृत अवकाश कार्योत्तर स्वीकृत किया जाता है तथा उक्त अवकाश के साथ दिनांक 14 एवं 15 मार्च 2015 के सार्वजनिक अवकाश को जोड़ने की अनुमति प्रदान की जाती है.
(4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री निसार अहमद, भाप्रसे (2003 ) अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर कार्य करते रहते.
भोपाल , दिनांक 9 अप्रैल 2015 (2 ) अवकाश से लौटने पर श्रीमती उर्मिल मिश्रा को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न आयुक्त, पिछड़ा वर्ग कल्याण , भोपाल के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(3) अवकाशकाल में श्रीमती उर्मिल मिश्रा को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्रीमती उर्मिल मिश्रा अवकाश पर नहीं जाती तो अपने पद पर कार्य करती रहतीं.
क्र. ई - 13-70-2014-5- एक. श्री अनुपम राजन, भाप्रसे ( 1993 ) सचिव, मध्यप्रदेश शासन , वाणिज्य , उद्योग और रोजगार विभाग तथा प्रबंध संचालक, लघु उद्योग निगम एवं राज्य वस्त्र निगम के मिड- केरियर ट्रेनिंग प्रोग्राम फॉर आईएएस आफिसर (फेस IV- Round 10th ) प्रशिक्षण हेतु दिनांक 6 अप्रैल से 22 मई 2015 तक, लाल बहादुर शास्त्री, राष्ट्रीय प्रशासन अकादमी, मसूरी जाने के फलस्वरूप उनके प्रशिक्षण अवधि में उनका प्रभार श्री व्ही. एल. कांताराव , भाप्रसे ( 1992 ) आयुक्त उद्योग मध्यप्रदेश को अपने वर्तमान कर्तव्यों के साथ - साथ अतिरिक्त रूप से सौंपा जाता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, क्र. ई- 5-895 - आयएएस- लीव- एक - 5.- ( 1 ) डॉ. मसूद अख्तर, आयएएस. , कलेक्टर , जिला छतरपुर को दिनांक 13 से 20 अप्रैल 2015 तक, आठ दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है तथा इस अवकाश के साथ दिनांक 11 , 12 एवं 21 अप्रैल 2015 का सार्वजनिक अवकाश जोड़ने की अनुमति दी जाती है.
अॅन्टोनी डिसा , मुख्य सचिव.
1117
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
भोपाल , दिनांक 16 अप्रैल 2015
क्र. एफ- ए- 5-08-2014- एक ( 1 ) .- राज्य शासन द्वारा माननीय न्यायाधिपति महोदय श्री बी. डी. राठी, मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय ग्वालियर, खण्डपीठ ग्वालियर को निम्नांकित विवरण अनुसार अवकाश स्वीकृत किया जाता है: -
अवकाश
अ.क्र .
कुल
अभियुक्ति अवधि दिन
अवकाश का प्रकार
(5) (3) (4)
(2)
(1)
23मार्च 10
1
अवकाश के पूर्व में
पूर्ण वेतन
2015 से
तथा भत्तों
सहित
1 अप्रैल
अवकाश.
2015 तक.
दिनांक 21 एवं 22 मार्च 2015 अवकाश के पश्चात् दिनांक 2, 3, 4 एवं 5 अप्रैल 2015 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति सहित.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बी. आर. विश्वकर्मा, उपसचिव.
भोपाल, दिनांक 7 अप्रैल 2015
क्र. ई - 5-761 - आयएएस- लीव-5- एक. ( 1 ) श्रीमती अलका उपाध्याय , आयएएस. , मुख्य कार्यपालन अधिकारी , मध्यप्रदेश ग्रामीण सड़क विकास प्राधिकरण, भोपाल को समसंख्यक आदेश दिनांक 30 जनवरी 2015 द्वारा दिनांक 27 जनवरी 2015 से 28 फरवरी 2015 तक, तैंतीस दिन का चाईल्ड केयर लीव स्वीकृत किया गया था, में आंशिक संशोधन करते हुए, अब , उन्हें दिनांक 4 से 28 फरवरी 2015 तक, पच्चीस दिन का चाईल्ड केयर लीव कार्योत्तर स्वीकृत किया जाता है .
(2 ) समसंख्यक आदेश दिनांक 30 जनवरी 2015 की शेष कंडिकाएं यथावत् रहेंगी.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , फजल मोहम्मद अवर सचिव " कार्मिक".
विधि और विधायी कार्य विभाग भोपाल, दिनांक 6 अप्रैल 2015
फा. क्र. 17 ( ई ) -1057-15 - इक्कीस ब (दो ) .- विधिक सेवा प्राधिकरण अधिनियम, 1987 ( 1987 का संख्यांक 39 ) एवं यथा- संशोधित विधिक सेवा प्राधिकरण ( संशोधन ) अधिनियम, 1994 ( 1994 का संख्याक 59 ) की धारा 6 की उपधारा ( 2 ) के खण्ड (ख) द्वारा प्रदत्त शक्तियों का उपयोग करते हुए, मध्यप्रदेश के राज्यपाल, मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायभूर्ति के परामर्श से माननीय श्री न्यायमूर्ति राजेन्द्र मेनन न्यायाधीश, मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय को मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यपालक अध्यक्ष के रूप में उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से नामांकित करता है.
F. No.17 (E) -182-04 -XXI - B ( II ) . In exercise of the powers conferred by clause (b) of sub - section (2 ) of Section 6 of the Legal Services Authorities Act , 1987 (No. 39 of 1987) as amended by Legal Services Authorities (Amendment) Act , 1994 ( No. 59 of 1994) , the Governor ofMadhya Pradesh in consultation with the Chief justice of High Court of Madhya Pradesh nominates Hon'ble Shri Justice Rajendra Menon Judge Madhya Pradesh High Court as Executive Chairman of Madhya Pradesh State Legal Services Authority with effect from the date he assumes charge of the office of the executive Chairman .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, विरेन्दर सिंह, प्रमुख सचिव.
भोपाल, दिनांक 9 अप्रैल 2015
फा. क्र. 17 (ई ) -22- श्रम- 2010- इक्कीस- ब ( दो ) .- राज्य शासन, इस विभाग के समसंख्यक आदेश दिनांक 1 मई 2010 द्वारा श्रम न्यायालय सीधी में नियुक्त पैनल अधिवक्ता श्री शंकर दयाल शुक्ल द्वारा प्रस्तुत त्याग- पत्र दिनांक 23 फरवरी 2015 के आलोक में त्याग - पत्र दिनांक 7 अप्रैल 2015 से एतद्वारा स्वीकार करता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , अमिताभ मिश्र अपर सचिवः [भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 अप्रैल 2015
1118
गृह विभाग मंत्रालय, वल्लभ भवन , भोपाल
भोपाल, दिनांक 8 अप्रैल 2015
क्र. एफ-1 (ए) 55-94- ब-2- दो. श्री बी. बी. एस. ठाकुर, भापुसे, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक ( सतर्कता ) पुलिस मुख्यालय, भोपाल को दिनांक 27 अप्रैल 2015 से 8 मई 2015 तक, बारह दिवस अर्जित अवकाश , दिनांक 26 अप्रैल 2015 एवं 9 , 10, मई 2015 के विज्ञप्त अवकाश के लाभ के साथ स्वीकृत किया जाता है.
(2 ) श्री बी. बी. एस. ठाकुर, भापुसे, की अवकाश अवधि में इनका कार्य श्री जी. पी. सिंह, भापुसे, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक अपराध अनुसंधान विभाग पुलिस मुख्यालय , भोपाल द्वारा वर्तमान कार्य के साथ - साथ संपादित किया जायेगा.
(3 ) अवकाश से लौटने पर श्री बी. बी. एस. ठाकुर, भापुसे को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक ( सतर्कता ) पुलिस मुख्यालय , भोपाल के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.
(4 ) श्री बी. बी. एस. ठाकुर, भापुसे, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक ( सतर्कता ) पुलिस मुख्यालय , भोपाल द्वारा कार्यभार ग्रहण करने पर कंडिका-2 में अतिरिक्त कार्यभार हेतु निर्देशित अधिकारी स्वमेव अतिरिक्त कार्यभार से मुक्त होंगे .
( 5 ) अवकाशकाल में श्री बी. बी. एस . ठाकुर, भापुसे को अवकाश, वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री बी. बी. एस . ठाकुर, भापुसे, उक्त अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर बने रहते.
भोपाल , दिनांक 10 अप्रैल 2015
क्र. एफ-1 (ए) 21-2015- ब-2- दो. श्री शैलेन्द्र सिंह चौहान, भापुसे, ( परि. ) सहायक पुलिस अधीक्षक, छिन्दवाड़ा को दिनांक 4 अगस्त 2014 से 4 सितम्बर 2014 तक, कुल बत्तीस दिवस लघुकृत अवकाश उपभोग करने के पश्चात् कार्योत्तर स्वीकृति प्रदान कीजाती है.
(2 ) श्री शैलेन्द्र सिंह चौहान, भापुसे के अवकाश खाते से 64 दिवस का अर्धवैतनिक ( HPL ) अवकाश घटाया जायेगा.
( 3 ) अवकाशकाल में श्री शैलेन्द्र सिंह चौहान, भापुसे को अवकाश, वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.
(4 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री शैलेन्द्र सिंह चौहान, भापुसे, उक्त अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर बने रहते.
क्र. एफ -1 (ए) 243-1993- ब-2- दो.- इस विभाग के समसंख्यक आदेश दिनांक 9 जनवरी 2015 एवं 23 अप्रैल 2014 द्वारा श्री वरूण कपूर, भापुसे , निदेशक/ पुलिस महानिरीक्षक, पुलिस रेडियो ट्रेनिंग स्कूल इन्दौर को दिनांक 19 मई 2014 से 28 जून 2014 तक, इकतालीस दिवस का अर्जित अवकाश एवं दिनांक 15 से 30 दिसम्बर 2014 तक, सोलह दिवस का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया गया था.
(2 ) श्री वरूण कपूर , भापुसे द्वारा उक्त स्वीकृत अर्जित अवकाश में से किसी कारणवश दिनांक 29 से 30 दिसम्बर 2014 तक, दो दिवस का एवं दिनांक 26 से 28 जून 2014 तक, तीन दिवस का अर्जित अवकाश का लाभ नहीं ले सकें. अतः उक्त स्वीकृत अर्जित अवकाश में से 02+ 03-05 दिवस का अर्जित अवकाश निरस्त किया जाता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, बसंत प्रताप सिंह, प्रमुख सचिव.
कार्यालय , कलेक्टर, जिला छिन्दवाड़ा, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
छिन्दवाड़ा, दिनांक 10 अप्रैल 2015
क्र. 432.- मध्यप्रदेश भू- राजस्व संहिता, 1959 ( संख्या 20, 1959 ) की धारा 2( 1 ) की उपधारा ( य -5 ) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए एतद्वारा नीचे दर्शाए अनुसूची में स्तम्भ ( 1 ) में वर्णित भूमि के भाग को स्तम्भ ( 2 ) में दर्शित नाम से तहसील तामिया, जिला छिन्दवाड़ा के अन्तर्गत राजस्व ग्राम घोषित किया जाता है :-
अनुसूची
राजस्व ग्राम का नाम एवं प. ह.न.
(2) भू- भाग का विवरण ( मूल ग्राम का नाम व प. ह.न. एवं इससे पृथक् किया गया क्षेत्रफल) (1)
ग्राम-खमदोडा, प. ह.न. 28 .
ग्राम जमुनिया खुर्द, प. ह.न. 28 से पृथक् किया गया क्षेत्रफल 203.557 हेक्टेयर.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , महेशचन्द्र चौधरी , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
1119
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
विभाग प्रमुखों के आदेश
मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग
" निर्वाचन भवन" 58 , अरेरा हिल्स, भोपाल , मध्यप्रदेश
आदेश
किया गया. कारण बताओ नोटिस में श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी से जवाब ( लिखित अभ्यावेदन ) कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था. नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है, उनके विरुद्ध एक पक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.
भोपाल , दिनांक 13 अप्रैल 2015
अभ्यर्थी श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी को नोटिस दिनांक 8 सितम्बर 2014 को तामील कराया गया. अतः उनको दिनांक 23 सितम्बर 2014 तक अपना अभ्यावेदन प्रस्तुत करना था. अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी , जिला बुरहानपुर से प्राप्त प्रतिवेदन दिनांक 10 अक्टूबर 2014 में प्रतिवेदित है कि अभ्यर्थी श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी ने आयोग द्वारा जारी कारण बताओ नोटिस तामील हो जाने के उपरान्त आज दिनांक तक इस कार्यालय में न तो निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत किया है न ही विलंब से व्यय लेखा प्रस्तुति के संबंध में कोई अभ्यावेदन प्रस्तुत किया गया है.
क्र. एफ 67-52-12- तीन-467. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय 'का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो, पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा . मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.
राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय ( लेखा संधारण और प्रस्तुति ) आदेश, 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) " , दिनांक 5 जून, 1997 में प्रकाशित हुआ है, उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा.
आयोग द्वारा विचारोपरान्त अभ्यर्थी श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी को दिनांक 4 फरवरी 2015 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु आयोग कार्यालय में बुलाया गया . अभ्यर्थी श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी उक्त दिवस को आयोग कार्यालय में उपस्थित नहीं हुई. व्यक्तिगत सुनवाई की सूचना- पत्र की तामीली श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी को विहित समयावधि में दिनांक 24 जनवरी 2015 को कराई गई. अतः उपरोक्त विवेचना से स्पष्ट है श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी द्वारा नियत समयावधि में निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तु नहीं किया गया. अतः आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत नहीं करने का कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है .
अतः मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ग के उपबन्धों के अन्तर्गत श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगरपालिका परिषद् नेपानगर, जिला बुरहानपुर का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश के तारीख से 05 ( पांच ) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित ( अयोग्य ) घोषित किया जाता है ..
मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, माह जुलाई 2012 में सम्पन्न हुए नगरपालिका परिषद् नेपानगर, जिला बुरहानपुर के आम निर्वाचन में श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी अध्यक्ष पद की अभ्यर्थी थीं. इस नगरपालिका के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 9 जुलाई 2012 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् दिनांक 8 अगस्त 2012 तक, श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी को निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी , जिला बुरहानपुर के पास दाखिल करना था , किन्तु अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी, बुरहानपुर के पत्र दिनांक 22 जुलाई 2014 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.
हस्ता./- (जी. पी. श्रीवास्तव ) सचिव, मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग.
विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत नहीं करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर श्रीमती चांदनी पति श्री हेमंत सिद्धवाणी को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 28 जुलाई , 2014 को जारी मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
1120
आदेश
भोपाल , दिनांक 13 अप्रैल 2015
क्र. एफ 67-52-12- तीन- 468.- मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32 - क के अनुसार अध्यक्ष के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नामनिर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिये प्राधिकृत किया हो , पृथक् और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा . मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1961 की धारा 32 - ख के अनुसार अध्यक्ष का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिन के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा.
राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय ( लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश , 1997 " " मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) ", दिनांक 5 जून, 1997 में प्रकाशित हुआ है, उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा .
माह जुलाई 2012 में सम्पन्न हुए नगरपालिका परिषद् नेपानगर, जिला बुरहानपुर के आम निर्वाचन में श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली अध्यक्ष पद की अभ्यर्थी थीं. इस नगरपालिका के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 9 जुलाई 2012 को घोषित हुआ. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 ख के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात् दिनांक 8 अगस्त 2012 तक, श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली को निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी , जिला बुरहानपुर के पास दाखिल करना था, किन्तु अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी , बुरहानपुर के पत्र दिनांक 22 जुलाई 2014 के द्वारा प्राप्त जानकारी अनुसार श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली द्वारा विहित समय में निर्वाचन व्ययों का लेखा दाखिल नहीं किया गया.
विहित समयावधि में निर्वाचन व्यय का लेखा प्रस्तुत नहीं करने का प्रतिवेदन प्राप्त होने पर श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली को कारण बताओ सूचना पत्र दिनांक 28 जुलाई, 2014 को जारी किया गया. कारण बताओ सूचना पत्र में श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली से जवाब (लिखित अभ्यावेदन ) कारण बताओ सूचना के प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर चाहा गया था . नोटिस में सभी वैधानिक स्थिति बताते हुए यह भी अंकित किया गया था कि 15 दिन के अन्दर उत्तर प्राप्त न होने की स्थिति में यह माना जाकर कि उन्हें इस संबंध में कुछ नहीं कहना है , उनके विरुद्ध एक पक्षीय आदेश पारित कर दिया जायेगा.
[भाग 1 अभ्यर्थी श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली को नोटिस दिनांक 8 सितम्बर 2014 को तामील कराया गया. कारण बताओ नोटिस के जवाब में अभ्यर्थी श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली ने अपना अभ्यावेदन दिनांक 10 सितम्बर 2014 को आयोग में प्रस्तुत किया गया. जिसमें अंकित किया गया कि " मैने अपने चुनाव में हुये खर्च के संबंध में दिनांक 12-13 अगस्त 2012 को मैं शपथ पत्र के समस्त लेखा जो ट्रेजरी कार्यालय बुरहानपुर में श्री बैरागी साहब ट्रेजरी अधिकारी के समक्ष प्रस्तुत किये थे किन्तु उस समय श्री बैरागी साहब द्वारा लेखा जोखा जमा करने के संबंध में कोई रसीद प्रदान नहीं की गई थी. उपरोक्त चुनाव के समय हुए खर्च के लेखे जोखे की फोटो कापियां वर्तमान में भी मेरे पास उपलब्ध हैं जिसे इस कवरिंग लेटर के साथ प्रस्तुत कर रही हूं.
इसके पूर्व भी मेरी ओर से दोबारा दिनांक 19 जून 2014 को भी उपरोक्त वांछित जानकारियां मय शपथ - पत्र तथा संबंधित दस्तावेज (लेखा जोखा ) श्रीमान अपर कलेक्टर एवं उप निवाचन अधिकारी , (स्थाई ) बुरहानपुर एवं श्रीमान प्रभारी अधिकारी ट्रेजरी कार्यालय बुरहानपुर के समक्ष जमां की थी . मेरे पास उन दस्तावेजों की एक और फोटोप्रति उपलब्ध है , वह तीसरी बार भी मैं आपके कार्यालय में जमा कर रहीं हूं. "
उक्त अभ्यावेदन के संबंध में कलेक्टर, बुरहानपुर से उनका अभिमत चाहा गया. अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी जिला बुरहानपुर से प्राप्त प्रतिवेदन दिनांक 8 अक्टूबर 2014 में प्रतिवेदित है कि अभ्यर्थी श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली द्वारा आयोग के समक्ष प्रस्तुत अभ्यावेदन पैरा -1 में लेख किया है कि उनके द्वारा दिनांक 12-13 अगस्त 2012 को मय शपथ- पत्र निर्वाचन व्यय लेखा तत्कालीन जिला कोषालय अधिकारी , बुरहानपुर के समक्ष प्रस्तुत किया गया था . निर्वाचन व्यय लेखा की छायाप्रतियां उनके द्वारा अपने अभ्यावेदन दिनांक 24 जून 2014 के साथ इस कार्यालय में भी प्रस्तुत की गई थी. किन्तु मूल निर्वाचन व्यय लेखा, शपथ- पत्र तथा देयक इस कार्यालय को प्रस्तुत नहीं किये गये हैं.
इस कार्यालय के पत्र क्रमांक क- नि.शा. लेखा-2014-241 , दिनांक 2 जुलाई 2014 द्वारा इस संबंध में स्पष्टीकरण चाहे जाने पर तत्कालीन जिला कोषालय अधिकारी तथा वर्तमान जिला पेंशन अधिकारी द्वारा अपने पत्र क्रमांक जि.पे.-2014-286, दिनांक 4 जुलाई 2014 में स्पष्ट किया गया है कि श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली को निर्वाचन व्यय लेखा मय शपथ - पत्र जिला निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में जमा कराये जाने हेतु निर्देशित किया गया था. जिला कोषालय में अभ्यर्थी श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली द्वारा निर्वाचन व्यय लेखा दाखिल नहीं किया गया है . " अतः उक्त प्रकरण के संबंध में अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी जिला बुरहानपुर ने अभ्यर्थी श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली द्वारा इस कार्यालय में मूल निर्वाचन व्यय लेखा दाखिल नहीं किये जाने का लेख किया है .
आयोग द्वारा विचारोपरान्त अभ्यर्थी श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली को दिनांक 4 फरवरी 2015 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु आयोग कार्यालय में बुलाया गया. व्यक्तिगत सुनवाई की सूचना- पत्र की 1121
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
तामीली श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली को विहित समयावधि में दिनांक 24 जनवरी 2015 को कराई गई . अभ्यर्थी श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली की जगह श्री कृणाल पाटील प्रतिनिधि के रूप में उक्त दिवस को उपस्थित हुए, उनके द्वारा बताया गया कि अभ्यर्थी के रिश्तेदार का निधन हो गया, इस कारण से अभ्यर्थी दिनांक 4 फरवरी 2015 को उपस्थित नहीं हुई. अतः इस कारण से अभ्यर्थी श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली के प्रतिनिधि श्री कृणाल पाटील को मौखिक रूप से अवगत कराया गया कि वे अभ्यर्थी को दिनांक 24 फरवरी 2005 को आयोग में व्यक्तिगत सुनवाई में उपस्थित होने हेतु सूचित करें. लेकिन अभ्यर्थी दिनांक 24 फरवरी को भी आयोग कार्यालय में उपस्थित नहीं हुई. अतः उपरोक्त विवेचना से स्पष्ट है श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली द्वारा नियत समयावधि में मूल निर्वाचन व्ययलेखा प्रस्तुत नहीं किया गया है ना ही मूल निर्वाचन व्यय लेखा प्रस्तुत करने के संबंध में कोई ठोस प्रमाण ही प्रस्तुत किया गया है. अतः आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखा निर्धारित समयावधि में प्रस्तुत नहीं करने का कोई पर्याप्त एवं न्यायोचित कारण नहीं है.
अतः मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1961 की धारा 32 - ग के उपबन्धों के अन्तर्गत श्रीमती जोगिन्दर कौर जॉली को इस प्रकार चुने जाने के लिये तथा नगरपालिका परिषद् नेपानगर जिला बुरहानपुर का पार्षद या अध्यक्ष होने के लिए इस आदेश के तारीख से 05 वर्ष ( पांच वर्ष ) की कालावधि के लिए निरर्हित ( अयोग्य) घोषित किया जाता है .
मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- (जी. पी. श्रीवास्तव ) सचिव, मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग.
कार्यालय , कलेक्टर, एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ( मंडी निर्वाचन ) , जिला सतना, मध्यप्रदेश
सतना, दिनांक 24 फरवरी 2015
क्र. 2352.- एतद्वारा सूचित किया जाता है कि कृषि उपज मंडी समिति , सतना जिला सतना के वार्ड क्रमांक 10 के उप निर्वाचन 2014 में निम्नानुसार एक प्रतिनिधि निर्वाचित घोषित किये गये हैं:-
निर्वाचित सदस्य का नाम
क्रमांक
(2)
(1) 1
पता (4)
पद जिसके लिये निर्वाचित हुए
(3)
कृषक सदस्य
श्री अशोक कुमार पिता बलदेव कोल ग्राम एवं पोस्ट विहरा क्रमांक 2 थाना एवं तहसील रामपुर बाघेलान जिला सतना ( म. प्र. ) क्र. 2352. - एतद्वारा सूचित किया जाता है कि कृषि उपज मंडी समिति, मैहर जिला सतना के वार्ड क्रमांक 03 एवं 10 के उप निर्वाचन 2014 में निम्नानुसार 02 प्रतिनिधि निर्वाचित घोषित किये गये है:-
निर्वाचित सदस्य का नाम
क्रमांक
(1) 1 (2) श्री प्रताप सिंह गौड पिता अंगद सिंह गौड
पता (4)
पद जिसके लिये निर्वाचित हुए (3) कृषक सदस्य, वार्ड क्रमांक 03 ग्राम खोह पोस्ट बेरमा तहसील मैहर जिला सतना ( म . प्र. ) .
कृषक सदस्य, वार्ड क्रमांक 10
2 श्री अमृत लाल पिता जिन्दा
ग्राम, पोस्ट लटागांव तहसील मैहर जिला सतना ( म. प्र. ) .
क्र. 2352.- एतद्वारा सूचित किया जाता है कि कृषि उपज मंडी समिति, रामनगर जिला सतना के वार्ड क्रमांक 03 के उप निर्वाचन 2014 में निम्नानुसार एक प्रतिनिधि निर्वाचित घोषित किये गये है:-
क्रमांक
निर्वाचित सदस्य का नाम (2)
(1)
1 श्रीमती श्यामा बाई प्रति घनश्याम
पता
(4)
पद जिसके लिये निर्वाचित हुए
(3)
कृषक सदस्य
ग्राम कटिया पोस्ट रामनगर तहसील रामनगर जिला सतना ( म. प्र.) .
संतोष मिश्र , कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी.
1122
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
राज्य शासन के आदेश
राजस्व विभाग
कार्यालय , कलेक्टर, जिला खण्डवा , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
खण्डवा , दिनांक 6 अप्रैल 2015
नस्ती क्र. 301-2015 - एलए. भू-अर्जन प्रकरण क्रमांक 01-अ-82-14-15.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन , भूमि अर्जन पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 ( 1 ) के अनुसार, इसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारियों को उक्त भूमि के संबंध में धारा 11 की उपधारा ( 1 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत किया जाता है : -
लगभग क्षेत्रफल भूमि का वर्णन नगर/ग्राम
जिला तहसील
(1) खंडवा
देवला रैयत (3)
(2) पुनासा
(4) आबादी भूमि 743.84 वर्गमीटर
पर निर्मित 28 मकान.
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
अनुसूची धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5) संभागीय प्रबंधक, म. प्र. सड़क विकास निगम लि. इंदौर.
(6) मूंदी- देवला-खुटला- अटूट मार्ग निर्माण हेतु.
(2 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी एवं भू-अर्जन अधिकारी , पुनासा तथा संभागीय प्रबंधक, म. प्र. सड़क विकास निगम लि. इंदौर के कार्यालय में किया जा सकता है .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, एम. के. अग्रवाल , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
कार्यालय, कलेक्टर, जिला खरगोन , मध्यप्रदेश एवं पदेन अपर सचिव , मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग
खरगोन, दिनांक 10 अप्रैल 2015
क्र. 95- भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से. अधिनियम के अध्याय -2 ( अ) की धारा -4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक्से किया गया है इस कारण से धारा -11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है.
अनुसूची ( 1 )
जिला तहसील
भूमि का वर्णन ग्राम/नगर अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(4) 8.565 (1) खरगोन
(2) सनावद
(3) बोदगांव
सार्वजनिक प्रयोजन 'का वर्णन धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5) महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल्वे पथ के निर्माण हेतु.
1123
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम - बोदगांव की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1)
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल ( हे.में. )
(2)
8.565
19/1 , 20 , 21/1 , 21/2 66/1 , 22/3 , 23/1 , 24/1 , 24/2 , 24/4 , 24/5 , 24/9 , 28/1 28/2 , 28/3 , 30/3 , 31/1 , 34/7 , 35/1 , 35/3 , 35/4 , 35/5 , 35/9 , 36/1 , 36/2 , 40/1 , 40/2 , 40/3 , 68/1 , 68/2 , 167 , 168 , 173 , 174/1 , 174/2 , 184 , 230 , 244/3 , 244/4 , 244/5 , 251/1 , 252/1 , 256/1 , 256/7 , 256/8 , 256/9 , 263/1 .
योग:-43
8.565
नोट. - भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है .
क्र. 99 - भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने (6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से. अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा -4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है . जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है.
अनुसूची ( 1 )
तहसील
भूमि का वर्णन ग्राम/नगर
जिला
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(4) 5.125 (1) खरगोन
(2) सनावद
(3) बागदा खुर्द
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5) महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल्वे पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2)
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम - बागदा खुर्द की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1)
13/3 , 13/4 , 14 , 15/1 , 15/2 , 15/3 , 62/1 , 62/2 , 62/3 , 64/2 , 66 , 69/1 , 69/3 , 69/5 , 69/6 , 69/9 . योग :-16
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में. )
(2)
5.125
5.125 [भाग 1 1124
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड, खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 105 - भू- अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की , खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है .
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा -4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन जिला
भूमि का वर्णन ग्राम/नगर
तहसील
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(4)
(6) (2)
(3)
(5)
(1)
5.269
खरगोन
टाकली
सनावद
महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम- टाकली की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल ( हे .में. ) (2) (1)
5.269 215/1 , 215/3 , 215/4 , 215/5 , 215/6 , 216/2 , 216/3 , 216/4 , 216/5 216/6 , 217/2 , 252 , 265 , 266/1 , 266/2 , 267/1 , 267/2 , 268 .
योग :- 18 5.269 नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है .
क्र. 101 - भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
1125
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा -4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है . जिसका प्रकाशन पृथक से किया गया है इस कारण से धारा 11 (3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है :-
अनुसूची ( 1 )
भूमि का वर्णन
ग्राम/नगर
जिला तहसील
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. ) (2)
(4) 3.083 (1) खरगोन
(3) भगोरा
सनावद
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5) महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम- भोगरा की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1)
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. ) (2)
3.083 3.083
22/1 , 23/1 , 23/2 , 23/3 , 25 , 26 , 30/1 , 30/2 , 32/3 , 32/5 , 32/13 , 73/1 , 74 योग :- 12
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड, खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 113 - भू- अर्जन - 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय-2 ( अ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है : -
अनुसूची ( 1 )
भूमि का वर्णन
जिला तहसील ग्राम/नगर अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. ) (2)
(4) 4.974 (1) खरगोन सनावद
(3) भुगदड़
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5) महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
[भाग 1 1126
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम - भुगदड़ की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल ( हे.में. )
(2) (1)
4.974 38/2 , 40/1 , 40/2 , 41/1 , 41/2 , 41/3 , 41/5 , 42, 45/5 , 45/1 , 46/1 , 46/4 45/5 , 47 , 48/3 , 48/9 , 57 , 58/1 , 58/2 .
योग :- 18
4.974 नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक , परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 94 - भू- अर्जन - 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है .
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
भूमि का वर्णन
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन जिला
ग्राम/नगर
तहसील
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(6) (2)
(3)
(4)
(5)
(1)
2.855
खरगोन सनावद भोपालपुरा
महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल्वे पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम- भोपालपुरा की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल ( हे.में. ) (2) (1)
2.855 72/3, 72/4 , 73/4 , 73/7 , 76/1 , 78/2 , 78/16 , 79/4 , 79/5 , 79/16 , 29/18 , 79/19
2.855
योग :- 12
नोट. - भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
1127
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
क्र. 111 - भू-अर्जन - 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन तहसील
जिला
भूमि का वर्णन ग्राम/नगर
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(6)
(4)
(5)
(2) (3)
(1)
7.989
बमनगांव
खरगोन सनावद
महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम बमनगांव की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल ( हे.में. ) (2) (1)
7.989 21/2, 21/3 , 22 , 23/2 , 24/1 , 24/2 , 24/4 , 26/1 , 26/2 , 28/2 , 28/4 , 63/1 , 204/1 ,
204/2 , 204/7 , 205/1 , 205/2 , 206 , 211 , 213/3 , 213/4 , 226/9 , 235 , 238/ 1,238 /2 ,
238/3 . 238/6 , 238/7 , 238/8 , 238/9 , 241/1 , 241/2 241/4 , 241/5 , 242 , 244/2 , 245/1 ,
246/1 , 246/2 , 246/3 , 246/4 , 246/5 , 249 , 250/1 , 250/2 , 250/3 , 250/4 , 250/5 , 251/1 .
योग :-48 7.989 नोट. - भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक , परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है .
क्र. 96 - भू- अर्जन- 2015.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है . जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
1128
अनुसूची ( 1 )
सार्वजनिक प्रयोजन भूमि का वर्णन
का वर्णन जिला
ग्राम/नगर
तहसील
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(6)
(5)
(1)
(2)
(3)
(4)
5.764
खरगोन सनावद बागदा बुजुर्ग
महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम- बागदा बुजुर्ग की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल ( हे .में. )
(2) (1)
5.764 3/2 , 3/5 , 4/1 , 4/2 , 8/3 , 10 , 16 , 34/1 , 34/2 , 34/3 , 34/4 , 35 , 36 , 39/5, 47/5 , 48 , 49 , 50 .
5.764 योग :- 18
नोट. - भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 97 - भू- अर्जन - 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
भूमि का वर्णन
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन जिला तहसील ग्राम/ नगर
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(6)
(4)
(3)
(5)
(1)
(2)
0.210
खरगोन
टोकलाय
सनावद
महाप्रबंधक ( परियोजना) एनटीपीसी खरगोन.
खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
1129
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
अनुसूची (2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम-टोकलाय की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1) 438/3
योग :- 1
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में . )
(2) 0.210 0.210
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 109 - भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया हैं इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
जिला तहसील
भूमि का वर्णन ग्राम/नगर अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(4) (2)
25.808 (1) खरगोन सनावद
(3) आरसी
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5) महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम- आरसी की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1)
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल ( हे.में. )
(2) 25.808
152/3 , 154/1 , 154/2 , 154/3 , 154/4 , 154/5 , 154/6 , 155/2 , 163/2 , 174/1 , 177/2, 179/1 , 179/2 , 198/1 , 198/2 , 199 , 200 , 204/1 , 213 , 214 , 215/1 , 215/3 , 216,228 , 229 , 283/1 , 283/2 , 286/2 , 286/4 , 286/7 , 286/8 , 286/9 , 286/14 , 286/15 , 286/16 , 286/22 , 287/1 , 287/2 , 287/3 , 298/2 , 305 , 306/1 , 310/1 , 312/1 , 312/3 , 313/2 , 337/2 , 338/1 , 339/2 , 339/3 , 340/2 .
योग :-51
25.808
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है .
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
1130
क्र. 114- भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
जिला तहसील
भूमि का वर्णन ग्राम/नगर अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(3)
(4) (1)
(2) .
खरगोन
0.888 सनावद गोराड़िया
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5)
(6)
महाप्रबंधक ( परियोजना) एनटीपीसी खरगोन.
खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची (2)
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम- गोराड़िया की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1)
4
योग :-1
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में. )
(2)
0.888 0.888
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 93 - भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
1131
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 (3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन तहसील
भूमि का वर्णन ग्राम/नगर
जिला
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(6)
(5)
(3)
(2)
(4)
(1)
16.348
ढकलगांव
खरगोन सनावद
महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम - ढ़कलगांव की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में. ) (2) (1)
16.348 802/1 , 802/3 , 803/1 , 803/4 , 813/1 , 813/2 , 813/3 , 813/6 , 820 , 821/1 , 821/6 , 821/7 , 821/8 , 822/1 , 822/2 , 828/1 , 828/2 , 828/3 , 828/4 , 828/5 , 828/6 , 828/7 , 851/3 , 851/6 , 858 , 859/1 , 860/1 , 869 , 870/1 , 870/2 , 870/3 , 870/4 , 873/1 , 873/2 , 873/3 , 875/1 , 876 , 877, 878 , 879 , 883 , 884 , 1085/1 , 1085/2 , 1086/1 , 1086/2 , 1086/3 , 1086/4 , 1086/5 , 1086/6 , 1086/7 , 1086/8 , 1087/1 , 1087/2 , 1089/1 , 1089/2 , 1089/3 , 1090/2 , 1107 , 1115/1 , 1133/2 , 1134 , 1136 , 1163/1 , 1163/2 , 1163/3 , 1163/5 , 1163/9 , 1164/1 , 1164/3 , 1166/1 , 1166/2 , 1177/6 , 1177/7 , 1177/8 , 1177/9 , 1177/10 , 1178/1 , 1178/2 , 1179/1 , 1179/2 , 1179/3 , 1179/4 , 1180/1 , 1180/3 , 1180/4 , 1181/2 , 1181/3 , 1181/4.
16.348 योग :-88
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी, बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 106 - भू-अर्जन - 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय-2( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है . जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
1132
अनुसूची ( 1 )
भूमि का वर्णन
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन तहसील ग्राम/नगर
जिला
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(6)
(5)
(4)
(1)
(2) (3)
15.300
बेडिया
खरगोन सनावद
महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2)
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम - बेडिया की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल ( हे.में. )
(2) (1)
15.300 192/3 , 192/4 , 192/5 , 193 , 194 , 197 , 198/1 , 198/2 , 199/1 , 199/3 , 199/7 , 199/8 , 205 , 206/1 , 206/2 , 207/1 , 207/2 , 208 , 400 , 402 , 403 , 404, 405 , 413 , 414 , 415 , 505/1 , 506/3 , 510 , 524/6 , 525/2 , 526/1 , 526/2 , 527 , 533 , 534/2 , 535/1 , 534/3 , 534/4 , 535/3 , 534/8 , 535/2 , 571/5 , 571/6 , 572 , 579/4 , 615/3 , 615/4 , 616/2 , 616/3 , 618/5 , 619/3 , 621/1 , 621/2 , 622 , 632, 633 , 634/2 , 634/3 , 635 , 636/3 , 637/2 , 637/3 .
15.300
योग :-58
नोट. - भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 102 - भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है .
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 (3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
भूमि का वर्णन
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन जिला
ग्राम/नगर
तहसील
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(6)
(4)
(3)
(5)
(2)
(1)
6.101
खरगोन सनावद
भातुड़
महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
1133
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम - भातुड़ की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1)
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में. )
(2)
6.101
6/1 , 7/2 , 7/6 , 8/2 , 8/7 , 9/3 , 10/1 , 10/2 , 10/3 , 10/4 , 11/1 , 11/2 , 27/1 , 27/2 , 28 , 29/1 , 29/3 , 29/4 , 56/9 , 56/11 , 56/13 , 56/16 , 57/2 , 57/3 , 57/6, 58/2 , 64/1 .
योग :-21 6.101
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी, बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 112- भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय-2( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 (3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
भूमि का वर्णन ग्राम/नगर
जिला तहसील
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(4) 6.968 (1) खरगोन
(2) सनावद
(3) डाल्याखेड़ी
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
एनटीपीसी खरगोन. (5) महाप्रबंधक ( परियोजना )
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची (2)
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम- डाल्याखेड़ी की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1)
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में. ) (2) 6.968
185/3 , 185/4, 185/7 , 188 , 209 , 210 , 219/1 , 219/2 , 220/1 , 220/2 , 220/3 , 220/5 , 221/1 ,
178/1 , 179 , 180/1 , 180/8 , 180/9 , 180/2 , 180/3 , 180/4 , 180/10 , 181/1 , 185/1 , 185/2 , 221/2 , 222/1 , 222/2 , 222/3 , 222/4 , 223/1 , 223/2 , 224 , 225/1 .
योग :-30
6.968
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी, बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है .
[भाग 1 1134
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 अप्रैल 2015
क्र. 92 - भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय-2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है . जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन तहसील
भूमि का वर्णन ग्राम/नगर
जिला
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(4) 0.452
(1) खरगोन
(2) सनावद
(3) तमोलिया
एनटीपीसी खरगोन. (5) महाप्रबंधक ( परियोजना)
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल्वे पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2)
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम - तमोलिया की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में. ) (2)
0.452 (1) 204/1 , 204/2 , 206 , 209/1 , 209/2
योग :-5 0.452 नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी, बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 100 - भू-अर्जन- 2015.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) 1135
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
भूमि का वर्णन
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन जिला तहसील ग्राम/नगर
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(5)
(2)
(3)
(4) 6.658
बालाबाद
(1) खरगोन सनावद
एनटीपीसी खरगोन. महाप्रबंधक ( परियोजना )
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2)
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम - बालाबाद की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में. ) (1)
(2) 6.658 17, 19 , 20 , 21 , 77, 78/2 , 79 , 80 , 85/1 , 85/6 , 86/1 , 88/1 , 89 , 91/1 , 93/1 , 93/2, 95/2 , 115 , 116/2 , 116/3 , 116/4 , 116/5 .
6.658
योग :-22
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 110- भू- अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
भूमि का वर्णन
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन ग्राम/नगर
जिला तहसील-
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल
(6)
(हे. में. ) (4)
(5)
(2)
(1)
7.407
(3) मोखनगांव
खरगोन सनावद
महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन .
खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
[भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 अप्रैल 2015
1136
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम- मोखनगांव की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1)
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में. )
(2)
7.407
23/9, 31 , 43 , 45/1 , 47 , 78/1 , 78/2 , 78/3 , 78/5 , 78/7 , 78/8 , 79/2 , 87 , 103/1 , 103/3 , 104 , 110/4 , 110/5 , 110/8 , 110/9 , 110/10 , 110/11 , 110/12 , 110/13 , 117/2 , 124/1 , 124/2 , 124/3 , 125/1 .
योग :-29
7.407
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 104 - भू- अर्जन -2015 . - चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है .
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
जिला
भूमि का वर्णन ग्राम/नगर
तहसील
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. ) (2)
(1) खरगोन
(4) 1.615 सनावद
(3) ढ़सगांव
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5) महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम - ढ़सगांव की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1)
146 , 147/4 , 148 , 149/4.
योग :-4
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में. ) (2) 1.615
1.615
नोट .- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी, बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
1137
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
क्र. 107 - भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की , खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची
( 1 )
जिला तहसील भूमि का वर्णन ग्राम/नगर अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(4) 1.379 (1) खरगोन
(3) भोगांवा निपानी
(2) सनावद
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5) महाप्रबंधक ( परियोजना) एनटीपीसी खरगोन.
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम - भोगांवा निपानी की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1) 256/8 , 257 , 258/1 , 259 , 260/5 , 263/2
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल ( हे.में. ) (2) 1.379
योग :-6
1.379
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
क्र. 103 - भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा-12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 (3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
[भाग 1 1138
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 24 अप्रैल 2015
अनुसूची ( 1 )
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन तहसील
जिला
भूमि का वर्णन ग्राम/नगर
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(1)
(2) (3)
खरगोन
(4) 4.756
सनावद चमारदड़
(5) महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
अनुसूची ( 2 )
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम चमारदड़ की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में. ) (1)
(2) 4.756 31/1 , 31/2 , 31/3 , 31/4 , 31/5 , 31/6 , 31/7 , 31/8 , 31/16 , 31/18 , 32/1 , 32/2 , 32/3 , 34, 35/ 1,35/2 , 35/3 , 36 .
योग :-18 4.756 नोट. - भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी, बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है .
क्र. 108 - भू- अर्जन -2015. - चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है .
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से. अधिनियम के अध्याय-2 ( अ ) की धारा -4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक से किया गया है इस कारण से धारा -11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है .
अनुसूची ( 1 )
भूमि का वर्णन
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन तहसील ग्राम/नगर
जिला
धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. )
(6)
(4)
(5)
(2)
(3)
(1)
5.163
खरगोन सनावद खानपुरा
महाप्रबंधक (परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन .
खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल पथ के निर्माण हेतु.
1139
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
अनुसूची ( 2)
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम- खानपुरा की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1)
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे.में. )
(2)
5.163
32, 33/1 , 33/2 , 33/7 , 33/9 , 34/1 , 34/3 , 38/2 , 38/3 , 39/1 , 39/2 , 44, 45/1 , 45/2 , 46/1 , 51/1 .
योग :- 15 5.163
नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू- अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है .
क्र. 98 - भू- अर्जन-2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, खाने ( 6 ) में उसके सम्मुख दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबन्धों के अनुसार अनुसूची ( 2 ) में दर्शित भूमि के ब्यौरों से संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची ( 1 ) के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है.
प्रस्तावित वृहद ताप विद्युत् परियोजना की प्रकृति लोकहित के अन्तर्गत सार्वजनिक प्रयोजन की होने से अधिनियम के अध्याय -2 ( अ ) की धारा 4 सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट से छूट प्रदान की गयी है. जिसका प्रकाशन पृथक् से किया गया है इस कारण से धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट के प्रकाशन की आवश्यकता नहीं है:-
अनुसूची ( 1 )
भूमि का वर्णन
तहसील
जिला
ग्राम/नगर अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल (हे. में. ) (2)
(1)
खरगोन
(3) बिराली
(4) 10.616 सनावद
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 12 के अन्तर्गत प्राधिकृत अधिकारी
(5) महाप्रबंधक ( परियोजना ) एनटीपीसी खरगोन.
(6) खरगोन वृहद ताप विद्युत् परियोजना को कोयला आपूर्ति के लिए रेल्वे पथ के निर्माण हेतु .
अनुसूची (2)
रेलपथ निर्माण क्षेत्र के अन्तर्गत ग्राम-बिराली की प्रभावित भूमि का विवरण
सर्वे नंबर
(1)
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल क्षेत्रफल ( हे.में. ) (2)
10.616
6/1 , 6/2 , 6/3 , 6/4 , 9 , 10 , 11 , 12/1 , 12/2 , 166/8 , 166/11 , 166/12 , 166/13 , 166/14 , 167/1 , 170/1 , 170/2 , 171/1 , 171/2 , 173/1 , 173/2 , 173/4 , 173/12 , 174/1 , 174/2 , 174/3 , 174/4 , 174/5 , 176/1 , 176/3 , 177/1 , 182/2 , 187 , 209 .
योग :-34
10.615 नोट.- भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , बड़वाह एवं महाप्रबंधक, परियोजना एनटीपीसी लिमिटेड खरगोन के कार्यालय में अवलोकन किया जा सकता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, नीरज दुबे , कलेक्टर एवं पदेन अपर सचिव.
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
1140
उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं
उच्च न्यायालय, मध्यप्रदेश, जबलपुर
ORDER
Jabalpur , the 10th April 2015
No. 337 - Confdl . - 2015 . THE Madhya Pradesh State Judicial Academy , High Court of M. P. , Jabalpur is conducting two days , Workshop on Key issues of recent laws relating to Crime against Women & Children and Key issues relating to appeals and revisions for Judges of the HJS cadre on 25th April 2015 & 26th April 2015 in the Academy , Judges , whose names and postings figure in the endorsement , are directed to attend the aforesaid course .
Conditions for the course :-
1. Barring exceptional circumstances , the participants nominated for the Workshop shall not pray for adjustment.
2. The participants are directed to arrange their Board Diaries in such a manner that no case is listed on the dates on which they are directed to attend this Workshop . If cases have already been fixed for the same dates , summons should not be issued . However , if summons have already been issued, the parties should be informed about the change in dates .
3. The participants shall report by 9.30 a.m. on the firstday of the workshop in the Lecture Room of Madhya Pradesh State Judicial Academy Building , Jabalpur .
4. The participants shall come soberly dressed during the entire duration of the Workshop .
5. The participants may bring Laptop Computers with them if they find it beneficial to them .
6. The Academy shall endeavour to make best possible arrangments for reception , lodging ,
[ भाग 1 boarding and entertainment of the participants in the Guest House of the Academy . The Academy shall make arrangement for their conveyance on the Railway Station to Academy .
The participants may inform the Academy to Shri Gyan Prakash Tekam, A.G. III on Telephone No. 0761-2628679 or to Shri Pramod Kushwaha , Care Taker on Mobile No. 09713717147 or to Shri Pramod Kumar Chaturvedi , A.G. II on Mobile No. 08878747939 at least a day in advance , so that proper arrangement for their reception may be made . It may , however , be noted that it may not be possible for the Academy to make arrangement for carriage of participants ' luggage to the parked vehicle . The Judicial Officers included in the training programme will be provided with a vachile at the Main Entrance of Railway Station ( Platform No.1 only) according to their programme .
7. T.A. & D.A. of the participants is reimbursable only as per Goverment Rules .
8. The Guest House of the Academy is located on the second and third floors of the MPSJA building . At present the lift is not functional . The participants are , with prior intimation to the Academy, free to stay at the accommodation of their choice . In such a case the participants shall be entiled to T.A. & D.A. as per rules . However , it would not be possible for the Academy to make arrangements for pick up from and drop back to such place .
9. The accommodation in the Guest House of the Academy shall be available to the participants a day prior to the commencement of the programme and upto 10.00 a.m. on the succeeding day of the end of programme .
1141
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
भाग 1 ]
10. The participants shall be provided with tea , breakfast , lunch and dinner during the period of stay for the programme , free of charge .
By Order of Hon'ble the Chief Justice , MANOHAR MAMTANI , Principal . Registrar (J) .
Jabalpur , the 6th April , 2015
No. 501 - CJ - II . - 664.-WHEREAS a departmental enquiry has been ordered to be initiated against Shri Pratap Kumar Tiwari , Additional District Judge, Seoni for committing acts of grave misconduct as a Judicial Officer.
AND WHEREAS , looking to the seriousness and nature of allegations constituting grave misconduct and to obviate possibility of tempering of evidence and witnesses and for ensuring free and fair enquiry , suspension from service of the delinquent officer is necessary .
Therefore , in excecise of powers conferred on the High Court as Disciplinary Authority under sub - rule ( 1 ) ofRule 9 of M. P. Civil Services ( Classification , Control and Appeal ) Rules , 1966 , and all other powers enabling the High Court to place a Judicial Officer under its control , under suspension , the High Court , hereby , places Shri Pratap Kumar Tiwari , Additional District Judge , Seoni under suspension with immediate effect with the headquarters at Jabalpur , during the period of suspension . He is further directed to report to the Registrar General , High Court of MP, Jabalpur , in compliance of the order . As directed , the orders for payment of subsistence allowances shall be issued separately at the earliest .
By Order of the High Court , SHAILENDRA SHUKLA , Principal Registrar
(Vigilance) .
जबलपुर, दिनांक 9 अप्रैल 2015
क्र. बी- 1542- तीन- 10-42-75 ( सागर देवरी ) -मध्यप्रदेश सिविल न्यायालय अधिनियम, 1958 ( अधिनियम क्रमांक 19 सन् 1958 ) की धारा 12 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए उच्च न्यायालय एतद्वारा निर्देशित करता है कि श्री मोहम्मद शकील खान, षष्टम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, सागर अपने घोषित कार्यस्थल सागर के अतिरिक्त देवरी में भी प्रत्येक माह 2 ( दो ) सप्ताह, वहाँ श्रृंखला न्यायालय आयोजित करने हेतु बैठक करेंगे.
No. B - 1542 - III - 10-42-75 ( Sagar- Deori ) . In exercise of the powers conferred by Section 12 of the Madhya Pradesh Civil Courts Act , 1958 (Act No. 19 of 1958 ) The High Court of Madhya Pradesh hereby directs that the Shri Mohd . Shakil Khan , VIth Addl . Distt . & Session Judge , Sagar in addition to his place of sitting declared at Sagar shall also sit at Deori for 2 ( two ) weeks in each month , for holding of Link Court there .
क्र. बी- 1538- तीन- 10-42-75 ( सागर - बण्डा) .- मध्यप्रदेश सिविल न्यायालय अधिनियम, 1958 ( अधिनियम क्रमांक 19 सन् 1958 ) की धारा 12 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए उच्च न्यायालय एतद्वारा निर्देशित करता है कि श्री कासिफ नदीम खान , चतुर्थ अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , सागर अपने घोषित कार्यस्थल सागर के अतिरिक्त , बण्डा में भी प्रत्येक माह में 2 ( दो ) सप्ताह , वहाँ श्रृंखला न्यायालय आयोजित करने हेतु बैठक करेंगे.
No. B - 1538 - III - 10-42-75 ( Sagar - Banda ) . In exercise of the powers conferred by Section 12 of the Madhya Pradesh Civil Courts Act, 1958 (Act No. 19 of 1958 ) the High Court of Madhya Pradesh hereby directs that the Shri Kasif Nadeem Khan , IVth Addl . Distt . & Session Judge , Sagar in addition to his place of sitting declared at Sagar shall also sit at Banda for 2 ( two ) weeks in each month, for holding of Link Court there .
क्र. बी- 1540- तीन-10-42-75 ( धार- बदनावर ) .- मध्यप्रदेश सिविल न्यायालय अधिनियम, 1958 ( अधिनियम क्रमांक 19 सन् 1958 ) की धारा 12 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए उच्च न्यायालय एतद्वारा निर्देशित करता है कि श्री विष्णु कुमार सोनी, चतुर्थ अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , धार अपने घोषित कार्यस्थल धार के अतिरिक्त बदनावर में भी प्रत्येक माह 2 ( दो ) सप्ताह, वहाँ श्रृंखला न्यायालय आयोजित करने हेतु बैठक करेंगे.
1142
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 अप्रैल 2015
No. B - 1540 - III - 10-42-75 (Dhar - Badnawar) .- In exercise of the powers conferred by Section 12 of the Madhya Pradesh Civil Courts Act, 1958 ( Act No. 19 of 1958 ) The High Court of Madhya Pradesh hereby directs that the Shri Vishnu Kumar Soni , VIth Addl . Distt . & Session Judge , Dhar in addition to his place of sitting declared at Dhar shall also sit at Badnawar for 2 ( two) weeks in each month , for holding of Link Court there .
क्र. बी- 1544-तीन-10-42-75 ( भोपाल-बैरसिया ) .- मध्यप्रदेश सिविल न्यायालय अधिनियम, 1958 ( अधिनियम क्रमांक 19 सन् 1958 ) की धारा 12 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए उच्च न्यायालय एतद्वारा निर्देशित करता है कि श्री डॉ. रमेश साहू, तेरहवें अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , भोपाल अपने घोषित कार्यस्थल भोपाल के अतिरिक्त बैरसिया में भी प्रत्येक माह 2 ( दो ) सप्ताह , वहाँ श्रृंखला न्यायालय आयोजित करने हेतु बैठक करेंगे.
No. B - 1544 - III - 10-42-75 (Bhapal-Berasia) .-In exercise of the powers conferred by Section 12 of the Madhya Pradesh Civil Courts Act, 1958 ( Act No. 19 of 1958 ) The High Court of Madhya Pradesh hereby directs that the Shri Dr. Ramesh Sahu , XIIIth Addl . Distt . & Session Judge , Bhopal in addition to his place of sitting declared at Bhopal shall also sit at Baresia for 2 ( two ) weeks in each month , for holding of Link Court there .
क्र. बी-1546- तीन- 10-42-75 ° ( सतना- रामपुर बघेलान ) .- मध्यप्रदेश सिविल न्यायालय अधिनियम , 1958 (अधिनियम क्रमांक 19 सन् 1958 ) की धारा 12 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए उच्च न्यायालय एतद्वारा निर्देशित करता है कि श्री प्रेम नारायण सिंह, षष्टम् अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , सतना अपने घोषित कार्यस्थल सतना के अतिरिक्त रामपुर बघेलान में भी प्रत्येक माह 2 ( दो ) सप्ताह, वहाँ श्रृंखला न्यायालय आयोजित करने हेतु बैठक करेंगे .
No. B - 1546 - III - 10-42-75 (Satna - Rampur Baghelan) . In exercise of the powers conferred by Section 12 of the Madhya Pradesh Civil Courts Act , 1958 (Act No. 19 of 1958 ) The High Court of Madhya Pradesh hereby directs that the Shri Prem Narayan Singh , VIth Addl . Distt . & Session Judge , Satna in addition to
[भाग 1 his place of sitting declared at Satna shall also sit at Rampur Baghelan for 2 ( two ) weeks in each month , for holding of Link Court there .
क्र. बी- 1548- तीन- 10-42-75 ( रतलाम- जावरा- आलोट ) .- मध्यप्रदेश सिविल न्यायालय अधिनियम , 1958 (अधिनियम क्रमांक 19 सन् 1958 ) की धारा 12 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए उच्च न्यायालय एतद्वारा निर्देशित करता है कि श्री इकबाल खान गौरी , द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश , जावरा अपने घोषित कार्यस्थल सतना के अतिरिक्त आलोट में भी प्रत्येक माह 2 ( दो ) सप्ताह , वहाँ श्रृंखला न्यायालय आयोजित करने हेतु बैठक करेंगे .
No. B - 1548 - III - 10-42-75 (Ratlam - Jaora - Alote ) .-In exercise of the powers conferred by Section 12 of the Madhya Pradesh Civil Courts Act , 1958 ( Act No. 19 of 1958) the High Court of Madhya Pradesh hereby directs that the Shri Iqbal Khan Ghauri , IInd Addl . Distt. & Session Judge , Jaora in addition to his place of sitting declared at Jaora shall also sit at Alote for 2 ( two) weeks in each month , for holding of Link Court there .
क्र. बी- 1550- तीन- 10-42-75 ( सतना-चित्रकूट ).-- मध्यप्रदेश सिविल कोर्ट्स एक्ट, 1958 ( अधिनियम क्रमांक 19 सन् 1958 ) की धारा 12 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए उच्च न्यायालय एतद्वारा निर्देशित करता है कि श्री अमित गुप्ता, प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -2 सतना अपने घोषित कार्यस्थल सतना के अतिरिक्त चित्रकूट में भी जिला एवं सत्र न्यायाधीश सतना द्वारा समय - समय पर अनुमोदित तिथियों में कार्य करेंगे .
No. B - 1550 - III - 10-42-75 ( Satna - Chitrakoot) .- In exercise of the powers conferred by Section 12 of the Madhya Pradesh Civil Courts Act , 1958 (Act No. 19 of 1958) the High Court of Madhya Pradesh hereby directs that the Shri Amit Gupta, Ist Civil Judge Class - II , Satna in addition to his place of sitting declared at Satna shall also sit at Chitrakoot on such dates as may be approved by the District & Sessions Judge , Satna from time to time.
उच्च न्यायालय के आदेशानुसार, विवेक सक्सेना , ओ. एस . डी. ( डी. ई . ) .