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Madhya Pradesh Gazette · Government of Madhya Pradesh

0

Published 05 June 2015

Type
Ordinary
Gazette no.
23
Part
1
Identifier
in.gazette.madhya.2015-06-05.23.Ordinary
Languages
English, Hindi
Published at
Original source ↗

मध्यप्रदे श शासन

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सत्यमेव जयते

मध्यप्रदेश राजपत्र

प्राधिकार से प्रकाशित

क्रमांक 23]

भोपाल , शुक्रवार, दिनांक 5 जून 2015- ज्येष्ठ 15, शक 1937

विषय-सूची

भाग 1.- ( 1 ) राज्य शासन के आदेश , ( 2 ) विभाग प्रमुखों के आदेश, (3 ) उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं, (4) राज्य शासन के संकल्प, ( 5 ) भारत शासन के आदेश और अधिसूचनाएं, (6 ) निर्वाचन आयोग , भारत की अधिसूचनाएं, ( 7 ) लोक- भाषा परिशिष्ट.

भाग 2.- स्थानीय निकाय की अधिसूचनाएं.

भाग 3.- ( 1 ) विज्ञापन और विविध सूचनाएं.

(2 ) सांख्यिकीय सूचनाएं.

भाग 4.- (क) ( 1 ) मध्यप्रदेश विधेयक, ( 2 ) प्रवर समिति के प्रतिवेदन, (3 ) संसद् में पुरःस्थापित विधेयक,

( ख ) ( 1 ) अध्यादेश, ( 2 ) मध्यप्रदेश अधिनियम, ( 3 ) संसद् के अधिनियम,

(ग ) ( 1 ) प्रारूप नियम, ( 2 ) अंतिम नियम.

भाग १

राज्य शासन के आदेश

सामान्य प्रशासन विभाग मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल

भोपाल , दिनांक 21 मई 2015

क्र . एफ- ए - 5-10-2013- एक ( 1 ) . - उच्च न्यायालय न्यायाधिपतिगण ( सेवा शर्तें ) अधिनियम 1954 की धारा 13 के अन्तर्गत मध्यप्रदेश के राज्यपाल जस्टिस श्री प्रकाश श्रीवास्तव, मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय , इन्दौर खण्डपीठ, इन्दौर को निम्नांकित विवरण अनुसार अवकाश स्वीकृत करते हैं: -

अ. क्र.

अभियुक्ति अवकाश अवधि

कुल दिन

(3)

अवकाश का प्रकार (4)

(2)

(1)

1. दि. 11-3-2015 से 08 दिनांक 18-3-2015 तक.

पूर्ण वेतन तथा भत्तों सहित अवकाश.

(5) अवकाश के पूर्व में दिनांक 10-3-2015 का सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति सहित.

1521

क्र. एफ- ए- 5-04-2015- एक ( 1 ) . - उच्च न्यायालय न्यायाधिपतिगण ( सेवा शर्तें ) अधिनियम 1954 की धारा 13 के अन्तर्गत मध्यप्रदेश के राज्यपाल जस्टिस श्री एम. के. मुदगल , मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय , जबलपुर को निम्नांकित विवरण अनुसार कम्युटेड अवकाश स्वीकृत करते हैं: -

अभियुक्ति अवधि

अ. क्र. अवकाश कुल दिन (3)

(1) (2)

अवकाश का प्रकार (4)

(5) 1. दि. 6-4-2015 से 02 दिनांक 7-4-2015 तक

पूर्ण वेतन तथा भत्तों सहित अवकाश.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, के. के. कातिया , अपर सचिव.

नियंत्रक, शासकीय मुद्रण तथा लेखन सामग्री , मध्यप्रदेश द्वारा शासकीय केन्द्रीय मुद्रणालय , भोपाल से मुद्रित तथा प्रकाशित- 2015.

1522

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

गृह विभाग

मंत्रालय , वल्लभ भवन , भोपाल

भोपाल, दिनांक 23 मई 2015

क्र. एफ 1 (ए) 95-99-ब-2- दो. श्री सोलोमन यश कुमार मिन्ज, भापुसे, पुलिस उप महानिरीक्षक, रीवा रेंज रीवा को दिनांक 25 मई से 6 जून 2015 तकं, तेरह दिवस अर्जित अवकाश एवं दिनांक 24 मई 2015 एवं 7 जून 2015 के विज्ञप्त अवकाश के लाभ के साथ उपरोक्त अवधि में खण्डवर्ष 2014-17 के विस्तार वर्ष 2015 अन्तर्गत गृह नगर यात्रा के बदले सपरिवार लेह ( लद्दाख ) भारत भ्रमण की यात्रा के तहत अवकाश यात्रा पर परिवार के निम्नलिखित सदस्यों के साथ जाने की अनुमति प्रदान की जाती है:-

स्वयं 1 . श्री सोलोमन यश कुमार मिन्ज

पत्नी 2. श्रीमती मधु मिन्ज

पुत्र 3. जोशुवा मिन्ज

पुत्री 4. श्री इनाया मिन्ज

(2 ) उक्त अवकाश अवधि में श्री सोलोमन यश कुमार मिन्ज, भापुसे का कार्य श्री आकाश जिन्दल, भापुसे, पुलिस अधीक्षक, रीवा द्वारा अपने कार्य के साथ - साथ संपादित किया जायेगा.

( 3 ) अवकाश से लौटने पर श्री सोलोमन यश कुमार मिन्ज, भापुसे, को अस्थाई रूप से आगामी आदेश तक पुलिस उप महानिरीक्षक, रीवा रेंज रीवा के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .

(4) श्री सोलोमन यश कुमार मिन्ज, भापुसे , पुलिस उप महानिरीक्षक, रीवा रेंज रीवा का कार्यभार ग्रहण करने पर उक्त कंडिका ( 2 ) में अतिरिक्त कार्यभार संपादित करने हेतु निर्देशित अधिकारी स्वमेव अतिरिक्त कार्यभार से मुक्त होंगे .

(5 ) अवकाशकाल में श्री सोलोमन यश कुमार मिन्ज, भापुसे, को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री सोलोमन यश कुमार मिन्ज, भापुसे, अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर बने रहते.

भोपाल , दिनांक 26 मई 2015

क्र. एफ -1 ( ए) 199-91- ब-2 - दो. श्रीमती सुषमा सिंह, भापुसे , अति. पुलिस महानिदेशक , पी.टी.आर.आई. पुलिस मुख्यालय , भोपाल को दिनांक 1 से 6 जून 2015 तक, कुल छः दिवस अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.

(2 ) श्रीमती सुषमा सिंह, भापुसे , की अवकाश अवधि में उनका कार्य श्री के. एल . मीणा, भापुसे , महानिदेशक , ( विशेष अभियान ) पुलिस मुख्यालय , भोपाल द्वारा वर्तमान कार्य के साथ - साथ संपादित किया जायेगा.

(3 ) अवकाश से लौटने पर श्रीमती सुषमा सिंह , भापुसे को अस्थायी रूप से, आगामी आदेश तक, स्थानापन्न अति. पुलिस महानिदेशक, पी.टी.आर.आई. पुलिस मुख्यालय, भोपाल के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है.

(4 ) श्रीमती सुषमा सिंह , भापुसे द्वारा कार्यभार ग्रहण करने पर कंडिका-2 में अतिरिक्त कार्यभार हेतु निर्देशित अधिकारी स्वमेव अतिरिक्त कार्यभार से मुक्त होंगे .

( 5 ) अवकाशकाल में श्रीमती सुषमा सिंह, भापुसे को अवकाश, वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था.

(6 ) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्रीमती सुषमा सिंह , भापुसे उक्त अवकाश पर नहीं जातीं तो अपने पद पर बनी रहतीं.

भोपाल , दिनांक 27 मई 2015

क्र. एफ-1-35-2015- ब-2- दो. श्री आर. एस. कौल , भापुसे, को मिड- केरियर ट्रेनिंग प्रोग्राम फेस -4, 2015 में सम्मिलित होने के लिए नामांकित किया गया है. उक्त प्रशिक्षण कार्यक्रम दिनांक 6 अप्रैल से 1 मई 2015 तक, एन.पी.ए. हैदराबाद में दिनांक 4 मई 2015 से 9 मई 2015 तक, यू. के. में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम पूर्ण होने के उपरान्त श्री आर. एस. कौल, भापुसे ने दिनांक 11 से 13 मई 2015 तक तीन दिवस का अर्जित अवकाश ( एक्स इण्डिया लीव्ह ) के रूप में दिनांक 10 मई 2015 के विज्ञप्त अवकाश के लाभ के साथ निम्नांकित शर्तों के तहत स्वीकृत किया जाता है: - 1 . विदेश में स्वास्थ्य/चिकित्सा आदि पर होने वाला व्यय वे स्वयं वहन करेंगे , राज्य शासन नहीं.

2. विदेश में शासकीय अथवा किसी निजी संस्था का आतिथ्य (Hospitality ) स्वीकार नहीं करेंगे.

3. विदेश में कोई Assignment नहीं लेंगे.

(2) अवकाश से लौटने पर श्री आर. एस. कौल , भापुसे को अस्थायी रूप से आगामी आदेश तक स्थानापन्न पुलिस उप महानिरीक्षक (शिकायत ) , पुलिस मुख्यालय , भोपाल के पद पर पुनः पदस्थ किया जाता है .

(3 ) अवकाशकाल श्री आर. एस. कौल , भापुसे को अवकाश वेतन एवं भत्ता उसी प्रकार देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के पूर्व मिलता था .

(4) प्रमाणित किया जाता है कि यदि श्री आर. एस. कौल, भापुसे, अवकाश पर नहीं जाते तो अपने पद पर बने रहते.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,

बसंत प्रताप सिंह, अपर मुख्य सचिव .

1523 भाग 1 ]

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भोपाल , दिनांक 22 मई 2015

क्र. एफ 1 ( बी) 85-2014- बी-4- दो. राज्य शासन द्वारा मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग , इंदौर द्वारा राज्य न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला सेवा के अन्तर्गत वैज्ञानिक अधिकारी ( रसायन ) के रिक्त पदों की पूर्ति हेतु आयोजित परीक्षा 2013 के माध्यम से संयुक्त प्रतिस्पर्धा परीक्षा के परिणाम के आधार पर चयनित निम्नलिखित अभ्यर्थियों को उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से 02 वर्ष की परिवीक्षा अवधि पर मध्यप्रदेश न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला सेवा में कनिष्ठ वेतनमान रुपये 15600-39100+ 5400/- में वैज्ञानिक अधिकारी (रसायन) के पद पर उनके नाम के सम्मुख कालम ( 4 ) में अंकित कार्यालय में नियुक्त किया जाता है:-

पदस्थापना कार्यालय /स्थल अभ्यर्थी का नाम एवं पत्राचार का पता

क्र. लोक सेवा आयोग द्वारा अनुशंसित मुख्य सूची का क्र.

(4)

(1) (2)

(3)

1

17 श्री अजित नारायण गुप्ता,

जिला सीन आफ क्राईम ( मोबाईल ) यूनिट , दतिया.

पुत्र श्री रामजीवन गुप्ता, जल विहार मंदिर के पास, कोर्ट बाजार, राठ , जिला हमीरपुर, उ. प्र. 201431.

2

20 श्री पंकज पाटीदार,

जिला सीन आफ क्राईम ( मोबाईल ) यूनिट, सागर .

164, गणेश नगर, राधास्वामी आश्रम के सामने खण्डवा नाका, इंदौर म. प्र.

3

26

क्षेत्रीय न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला, भोपाल डॉ. कल्पना वर्मा , वेटनरी हास्पीटल रोड, जवाहर कालोनी, बरेली रायसेन , म . प्र . 464668

4

34

राज्य न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला, इन्दौर श्रीमती शकुंतला गवली (सोलंकी ) , एच -1 क्वार्टर , कृषि विज्ञान केन्द्र, विक्रम नगर, रेल्वे स्टेशन के सामने , उज्जैन , म. प्र . 456010 .

5

35

राज्य न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला, सागर डॉ. राजेन्द्र सिंह ठाकुर, 51 ए/जे. दौलत नगर , रिलायंस पेट्रोल पंप के पास , माण्डव रोड, धार,

म. प्र . 454001 .

2. नवनियुक्त अधिकारीगण आदेश प्राप्ति के 15 दिवस की अवधि में कॉलम 04 में अंकित कार्यालय में कार्यभार ग्रहण कर प्रतिवेदन प्रस्तुत करें अन्यथा नियुक्ति आदेश निरस्त माना जायेगा.

3. नवनियुक्त अधिकारियों की परिवीक्षा अवधि, स्थाईकरण , वरिष्ठता, पदोन्नति आदि मध्यप्रदेश सिविल सेवा ( सेवा की सामान्य शर्तें ) नियम , 1961 एवं मध्यप्रदेश न्यायालयिक प्रयोगशाला ( राजपत्रित ) सेवा भर्ती नियम-1993 से शासित होगी. सेवा संबंधी अन्य मुद्दे शासन के वर्तमान नियमों तथा भविष्य में बनाए जाने वाले नियमों/निर्देशों के अन्तर्गत निराकृत किये जायेंगे.

4. नवनियुक्त अधिकारियों की सेवाएं किसी भी समय एक माह की सूचना अथवा उसके एवज में एक माह का वेतन तथा भत्ते देकर बिना कारण बताए समाप्त की जा सकती हैं. इसी प्रकार यदि वे अपने पद से त्याग पत्र देकर शासकीय सेवा छोड़ना चाहें तो उन्हें भी एक माह का नोटिस देना आवश्यक होगा. एक माह पूर्व सूचना न देने की स्थिति में एक माह का वेतन व अन्य भत्ते जो वह उस समय प्राप्त कर रहे होंगे, नगद जमा करना होगा अन्यथा उक्त रकम राजस्व बकाया के तौर पर उनसे वसूल की जावेगी.

5. राज्य शासन के अधीन दिनांक 1 जनवरी 2005 अथवा इसके बाद नियुक्त होने वाले कर्मचारियों को नवीन अंशदायी पेंशन योजना लागू होगी.

6. नियुक्त अधिकारियों द्वारा प्रस्तुत की गई जानकारी असत्य पाये जाने पर उनकी सेवायें बिना किसी सूचना के तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी जावेंगी एवं उनके द्वारा इस संबंध में प्रस्तुत कोई भी दावा मान्य नहीं होगा .

1524

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

7. परीवीक्षाधीन अधिकारियों द्वारा पदस्थापना कार्यालय में कार्यभार ग्रहण करते समय एक " बाण्ड " शासन के पक्ष में निष्पादित करना होगा कि परिवीक्षा अवधि सफलतापूर्वक पूर्ण न करने की दशा में अथवा प्रशिक्षण अवधि में सेवा छोड़ने पर उनकी परिवीक्षा अवधि में शासन द्वारा खर्च की गई राशि जिसमें वेतन भत्ते, यात्रा भत्ते एवं अन्य अग्रिम व्यय राशि शामिल होगी , की वापसी के लिये वे उत्तरदायी होंगे .

8 . नवनियुक्त अधिकारी जो पूर्व से शासकीय/ अर्द्धशासकीय सेवा में सेवारत हैं, उन्हें अपने नियोक्ता का अनापत्ति प्रमाण- पत्र अजांच एवं अमांग प्रमाण पत्र शासन को प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा अन्यथा उन्हें कार्यभार ग्रहण नहीं कराया जावेगा.

9. प्रत्याशियों को निर्देशित किया जाता है कि वह नियुक्ति के संबंध में अपनी योग्यता एवं जाति प्रमाण - पत्र की मूल प्रति पदस्थापना संबंधी जिले के पुलिस अधीक्षक/संयुक्त निदेशक क्षेत्रीय न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला कार्यालय/ कार्यालय प्रमुख को सत्यापन हेतु प्रस्तुत करेंगे.

10. मध्यप्रदेश लोक सेवा ( अनुसूचित जातियों, अनुसूचित जनजातियों और अन्य पिछड़े वर्गों के लिए आरक्षण ) संशोधन अधिनियम, 2002 ( क्रमांक 10 सन् 2002 ) दिनांक 13 मई 2002 के प्रावधान अनुसार सुविधा सुनिश्चित करने के लिए निर्धारित रोस्टर के अनुसार नियुक्ति की पृविष्टियां रोस्टर पंजी में कर दी गई हैं .

11. प्रमाणित किया जाता है कि मध्यप्रदेश लोक सेवा ( अनुसूचित जाति/ अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़े वगों को आरक्षण ) अधिनियम , 1994 ( क्रमांक सन् 1994 ) उपबंधों का और उक्त अधिनियम के उपबंधों के प्रकाश में राज्य शासन द्वारा जारी किये गये अनुदेशों का अनुपालन किया गया है तथा उसे ( नियोक्ता को ) उक्त अधिनियम की धारा -6 , की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों का पूर्ण संज्ञान है .

क्र. एफ 1 ( बी ) 83-2014- बी-4- दो. राज्य शासन द्वारा मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग , इंदौर द्वारा राज्य न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला सेवा के अन्तर्गत वैज्ञानिक अधिकारी ( जीव विज्ञान ) के रिक्त पदों की पूर्ति हेतु आयोजित परीक्षा 2013 के माध्यम से संयुक्त प्रतिस्पर्धा परीक्षा के परिणाम के आधार पर चयनित निम्नलिखित अभ्यर्थियों को उनके द्वारा कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से 02 वर्ष की परिवीक्षा अवधि पर मध्यप्रदेश न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला सेवा में कनिष्ठ वेतनमान रुपये 15600-39100+ 5400/-में वैज्ञानिक अधिकारी (जीवन विज्ञान ) के पद पर उनके नाम के सम्मुख कालम ( 4 ) में अंकित कार्यालय में नियुक्त किया जाता है:-

पदस्थापना कार्यालय /स्थल अभ्यर्थी का नाम एवं पत्राचार का पता

क्र. लोक सेवा आयोग द्वारा अनुशंसित मुख्य सूची

का क्र.

(2)

(3)

(4)

(1)

1

14

क्षेत्रीय न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला , ग्वालियर श्री डॉ. अल्का मिश्रा,

बी-119, पटेल नगर, सिटी सेन्टर,

ग्वालियर म. प्र. -474002.

2

16

क्षेत्रीय न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला, भोपाल श्रीमती स्वप्निला चौहान ,

ए-3/3 , अशोक बिहार सेठी नगर के पास , सिटी बस स्टाप , उज्जैन

म. प्र. 456010.

3

21 श्री महेन्द्र सिंह,

जिला सीन आफ क्राईम ( मोबाईल ) यूनिट , पन्ना.

द्वारा श्री बृजराज सिंह , एडवोकेट , म. नं. 16/1156 , प्रज्ञा कुटीर , शक्ति नगर, रीवा म. प्र. 486001 .

4

28 श्री आनंद नगपुरे,

जिला सीन आफ क्राईम ( मोबाईल ) यूनिट , अनूपपुर.

द्वारा प्रोफेसर राजिन्दर के गुप्ता, एफ एफ आर 209 , ए-6 ब्लाक , यूनिवर्सिटी स्कूल आफ बायोटेक्नॉलाजी , जीजीएसआईपी , यूनिवर्सिटी द्वारका 166,

नई दिल्ली-110078.

1525 भाग 1 ]

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

(4)

(3)

(1) (2)

5

29

जिला सीन आफ क्राईम ( मोबाईल ) यूनिट , झाबुआ.

श्री रामसिंह मुजाल्दा, 22/03 राजीव गांधी, पीजी हास्टल , एबी रोड, भंवरकुआं, इन्दौर म. प्र. 452001 .

33

6

जिला सीन आफ क्राईम ( मोबाईल ) यूनिट, बड़वानी

श्री बापूसिंह बघेल , ग्राम तलावड़ी, पोस्ट तलावड़ी, तहसील कुक्षी, जिला धार म. प्र.- 454331.

2. नवनियुक्त अधिकारीगण आदेश प्राप्ति के 15 दिवस की अवधि में कॉलम 04 में अंकित कार्यालय में कार्यभार ग्रहण कर प्रतिवेदन प्रस्तुत करें अन्यथा नियुक्ति आदेश निरस्त माना जायेगा.

3. नवनियुक्त अधिकारियों की परिवीक्षा अवधि , स्थाईकरण , वरिष्ठता , पदोन्नति आदि मध्यप्रदेश सिविल सेवा ( सेवा की सामान्य शर्तें) नियम, 1961 एवं मध्यप्रदेश न्यायालयिक प्रयोगशाला ( राजपत्रित ) सेवा भर्ती नियम 1993 से शासित होगी . सेवा संबंधी अन्य मुद्दे शासन के वर्तमान नियमों तथा भविष्य में बनाए जाने वाले नियमों/ निर्देशों के अन्तर्गत निराकृत किये जायेंगे.

4. नवनियुक्त अधिकारियों की सेवाएं किसी भी समय एक माह की सूचना अथवा उसके एवज में एक माह का वेतन तथा भत्ते देकर बिना कारण बताए समाप्त की जा सकती हैं. इसी प्रकार यदि वे अपने पद से त्याग पत्र देकर शासकीय सेवा छोड़ना चाहें तो उन्हें भी एक माह का नोटिस देना आवश्यक होगा. एक माह पूर्व सूचना न देने की स्थिति में एक माह का वेतन व अन्य भत्ते जो वह उस समय प्राप्त कर रहे होंगे , नगद जमा करना होगा अन्यथा उक्त रकम राजस्व बकाया के तौर पर उनसे वसूल की जावेगी.

5. राज्य शासन के अधीन दिनांक 1 जनवरी 2005 अथवा इसके बाद नियुक्त होने वाले कर्मचारियों को नवीन अंशदायी पेंशन योजना लागू होगी.

6. नियुक्त अधिकारियों द्वारा प्रस्तुत की गई जानकारी असत्य पाये जाने पर उनकी सेवायें बिना किसी सूचना के तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी जावेंगी एवं उनके द्वारा इस संबंध में प्रस्तुत कोई भी दावा मान्य नहीं होगा.

7. परीवीक्षाधीन अधिकारियों द्वारा पदस्थापना कार्यालय में कार्यभार ग्रहण करते समय एक " बाण्ड " शासन के पक्ष में निष्पादित करना होगा कि परिवीक्षा अवधि सफलतापूर्वक पूर्ण न करने की दशा में अथवा प्रशिक्षण अवधि में सेवा छोड़ने पर उनकी परिवीक्षा अवधि में शासन द्वारा खर्च की गई राशि जिसमें वेतन भत्ते, यात्रा भत्ते एवं अन्य अग्रिम व्यय राशि शामिल होगी , की वापसी के लिये वे उत्तरदायी होंगे .

8. नवनियुक्त अधिकारी जो पूर्व से शासकीय/ अर्द्धशासकीय सेवा में सेवारत हैं, उन्हें अपने नियोक्ता का अनापत्ति प्रमाण- पत्र अजांच एवं अमांग प्रमाण पत्र शासन को प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा अन्यथा उन्हें कार्यभार ग्रहण नहीं कराया जावेगा.

9. प्रत्याशियों को निर्देशित किया जाता है कि वह नियुक्ति के संबंध में अपनी योग्यता एवं जाति प्रमाण - पत्र की मूल प्रति पदस्थापना संबंधी जिले के पुलिस अधीक्षक/ संयुक्त निदेशक क्षेत्रीय न्यायालयिक विज्ञान प्रयोगशाला कार्यालय/ कार्यालय प्रमुख को सत्यापन हेतु प्रस्तुत करेंगे.

10. मध्यप्रदेश लोक सेवा ( अनुसूचित जातियों, अनुसूचित जनजातियों और अन्य पिछड़े वर्गों के लिए आरक्षण ) संशोधन अधिनियम, 2002 ( क्रमांक 10 सन् 2002 ) दिनांक 13 मई 2002 के प्रावधान अनुसार सुविधा सुनिश्चित करने के लिए निर्धारित रोस्टर के अनुसार नियुक्ति की पृविष्टियां रोस्टर पंजी में कर दी गई है .

11. प्रमाणित किया जाता है कि मध्यप्रदेश लोक सेवा ( अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़े वगों को आरक्षण ) अधिनियम, 1994 ( क्रमांक सन् 1994 ) उपबंधों का और उक्त अधिनियम के उपबंधों के प्रकाश में राज्य शासन द्वारा जारी किये गये अनुदेशों का अनुपालन किया गया है तथा उसे ( नियोक्ता को ) उक्त अधिनियम की धारा -6, की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों का पूर्ण संज्ञान है .

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,

व्ही. के. श्रीवास, अवर सचिव.

1526

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

विधि और विधायी कार्य विभाग भोपाल, दिनांक 30 अप्रैल 2015

फा. क्र. 3 (ए) 2-2015- इक्कीस- ब-( एक ) 1261.- राज्य शासन, उच्चतर न्यायिक सेवा के सदस्य श्री प्रदीप कुमार वर्मा, प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय, भोपाल को उनके द्वारा दिनांक 10 अप्रैल 2015 को प्रस्तुत सूचना- पत्र के अनुक्रम में ऑल इंडिया सर्विसेस ( डेथ- कम- रिटायरमेंट बेनेफिट ) रूल्स , 1958 के नियम 16 (2 - ए) सहपठित मध्यप्रदेश जिला एवं सेशन न्यायाधीश ( डेथ- कम- रिटायरमेंट बेनेफिट ) रूल्स 1964 एवं मध्यप्रदेश सिविल सेवा (पेंशन ) नियम, 1976 के नियम 42 ( 1 ) सहपठित मध्यप्रदेश उच्चतर न्यायिक सेवा ( भर्ती तथा सेवा शर्तें ) नियम , 1994 के नियम -17 के अन्तर्गत उच्च न्यायालय की अनुशंसा पर स्वैच्छिक सेवानिवृत्त होने के लिये अनुज्ञात किया जाता है तथा उन्हें दिनांक 30 अप्रैल 2015 के अपराह्न से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति की स्वीकृति प्रदान करता है .

भोपाल , दिनांक 13 मई 2015

फा. क्र . 17 ( ई ) 29-2014-1167 - इक्कीस- ब ( एक ) - 15.- भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 ( 1988 का सं. 49 ) की धारा 3 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य शासन, मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय की सहमति से एतद्वारा , नीचे दी गई सारणी के कालम ( 2 ) में विनिर्दिष्ट अपर सेशन न्यायाधीशों को उसके ( सारणी के ) कॉलम ( 3 ) में की तत्स्थानी प्रविष्टि में विनिर्दिष्ट क्षेत्र के लिए मध्यप्रदेश व्यावसायिक परीक्षा मण्डल द्वारा संचालित विभिन्न परीक्षाओं से संबंधित अपराधों तथा स्पेशल टास्क फोर्स, भोपाल द्वारा अन्वेषित मामलों का विचारण करने के लिए विशेष न्यायाधीश नियुक्त करता है:-

सारणी

न्यायाधीश का नाम (2)

अनुक्रमांक (1)

मुख्यालय का नाम (3)

जबलपुर 1 श्री सुनील कुमार जैन, (सीनि) . अपर सेशन न्यायाधीश, जबलपुर.

इन्दौर 2 श्री दिलीप कुमार मित्तल, अपर सेशन न्यायाधीश, इन्दौर.

ग्वालियर 3 श्री सतीश चन्द्र शर्मा ( जूनि ) , अपर सेशन न्यायाधीश, ग्वालियर.

रीवा 4 श्री अरूण कुमार सिंह , छठवें अपर सेशन न्यायाधीश , रीवा.

(3)

(2) (1)

5

खण्डवा श्री प्रकाश चन्द्र, अपर सेशन न्यायाधीश , खण्डवा.

मुरैना 6 श्री राकेश मोहन प्रधान, चतुर्थ अपर सेशन न्यायाधीश , मुरैना.

दमोह 7 श्री देवेन्द्र देव द्विवेदी , द्वितीय अपर सेशन न्यायाधीश , दमोह.

8

छतरपुर श्री राम गोपाल सिंह, अपर सेशन न्यायाधीश , छतरपुर.

9

गुना

श्री पी. सी. गुप्ता, अपर सेशन न्यायाधीश, गुना.

सागर 10 श्री अजित सिंह , अपर सेशन न्यायाधीश, सागर .

भोपाल 11 श्री बी. एस. भदौरिया, अपर सेशन न्यायाधीश, भोपाल.

भोपाल 12 श्री अरूण कुमार वर्मा, अपर सेशन न्यायाधीश, भोपाल.

भोपाल 13 श्री भूपेन्द्र कुमार सिंह, अपर सेशन न्यायाधीश , भोपाल.

भोपाल 14 श्री दिनेश प्रसाद मिश्रा, अपर सेशन न्यायाधीश , भोपाल.

ग्वालियर 15 श्री धरमिन्दर सिंह , अपर सेशन न्यायाधीश, ग्वालियर.

ग्वालियर 16 श्री ललित किशोर, अपर सेशन न्यायाधीश , ग्वालियर.

ग्वालियर 17 श्री अनिल कुमार सोहाने, अपर सेशन न्यायाधीश, ग्वालियर.

F. No. 17 ( E) 29-2014-1167 - XXI . - B- ( One ) 15-In exercise of the powers conferred by sub - section I of Section 3 of the Prevention of Corruption Act . 1988 ( No. 49 of 1988 ) , the State Government , with the concurrence of the High Court of Madhya Pradesh , hereby, appoints the Additional Sessions Judge specified in column (2 ) of भाग 1 ]

1527

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

the table below to be Special Judge for area specified in the corresponding entry in column ( 3 ) thereof to try the cases relating to the offences in various examinations conducted by Madhya Pradesh Professional Examination Board and investigated by Special Task Force , Bhopal :-

TABLE

Head quarter (3) S. No. (1)

Name of Judge (2)

Jabalpur 1. Shri Sunil Kumar Jain ( Sr. ) Additional Sessions Judge , Jabalpur

Indore 2. Shri Dilip Kumar Mittal , Additional Sessions Judge , Indore.

Gwalior 3. Shri Satish Chandra Sharma ( Jr.) , Additional Sessions Judge, Gwalior.

Rewa 4. Shri Arun Kumar Singh , VIth. Additional Sessions Judge, Rewa .

Khandwa 5. Shri Prakash Chandra , Additional Sessions Judge , Khandwa .

Morena 6. Shri Rakesh Mohan Pradhan , IVth Additional Sessions Judge , Morena.

Damoh 7. Shri Devendra Deo Dwivedi , IInd Additional Sessions Judge , Damoh .

Chhatarpur 8. Shri Ram Gopal Singh , Additional Sessions Judge , Chhatarpur.

Guna 9. Shri P. C. Gupta , Additional Sessions Judge , Guna.

Sagar 10. Shri Ajit Singh . Additional Sessions Judge . Sagar.

Bhopal 11. Shri B. S. Bhadoriya , Additional Sessions Judge , Bhopal.

(3)

(2)

(1)

Bhopal 12. Shri Arun Kumar Verma , Additional Sessions Judge , Bhopal.

Bhopal 13. Shri Bhupendra Kumar Singh , Additional Sessions Judge , Bhopal.

Bhopal 14. Shri Dinesh Prasad Mishra , Additional Sessions Judge , Bhopal.

Gwalior 15. Shri Dharminder Singh , Additional Sessions Judge , Gwalior.

Gwalior 16. Shri Lalit Kishore , Additional Sessions Judge , Gwalior.

Gwalior 17. Shri Anil Kumar Sohane , Additional Sessions Judge , Gwalior.

भोपाल , दिनांक 25 मई 2015

फा. क्र. 3 ( बी ) 1-2009- इक्कीस ब ( एक) .- राज्य शासन एतद्वारा सुश्री ऋतु चौहान, न्यायाधीश, वर्ग -2 , बैतूल , मध्यप्रदेश का त्यागपत्र दिनांक 25 अप्रैल 2015 के अपराह्न से स्वीकृत करता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, विरेन्दर सिंह , प्रमुख सचिव .

उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल

भोपाल, दिनांक 18 मई 2015

क्र. एफ. - 9-2-2006- अट्ठावन .- राज्य शासन द्वारा मध्यप्रदेश राज्य कृषि उद्योग विकास निगम के मेमोरेन्डम एण्ड आर्टिकल ऑफ ऐसोसिएशन के आर्टिकल्स -74 ( ए ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, श्री राधेश्याम जुलानिया , प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग के स्थान पर श्री प्रवीर कृष्ण, प्रमुख सचिव , उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग को संचालक मण्डल में सदस्य मनोनीत किया जाता है .

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, अनुप कुमार मुण्डा, अवर सचिव.

1528

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

ऊर्जा विभाग मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल

भोपाल , दिनांक 20 मई 2015

एफ- 2-06-2015 - तेरह. विद्युत् मंत्रालय , भारत सरकार के पत्र क्रमांक 41-1-2015 -RE, दिनांक 1 अप्रैल 2015 द्वारा जारी निर्देशों के अनुपालन में विद्युत् अधिनियम , 2003 ( क्रमांक 36 , सन् 2003 ) की धारा 166 की उपधारा ( 5 ) में प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य शासन द्वारा जिला समितियों के गठन हेतु जारी आदेश क्रमांक 5921 , दिनांक 30 अगस्त 2005 को संशोधित करते हुए, जिला समितियों का निम्नानुसार पुनर्गठन किया जाता है : -

अध्यक्ष ( 1) जिले के वरिष्ठतम माननीय सांसद

(2) अन्य माननीय सांसद ( यदि हों )

सह अध्यक्ष/ उपाध्यक्ष

संयोजक (3 ) जिलाध्यक्ष

सदस्य (4) जिले के माननीय प्रभारी मंत्री

सदस्य (5) जिले के माननीय विधायकगण

सदस्य (6 ) पुलिस अधीक्षक

सदस्य (7) अध्यक्ष/सभापति, जिला पंचायत

सदस्य (8 ) विद्युत, कोयला तथा नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के अंतर्गत जिले में स्थित सेन्ट्रल पब्लिक सेक्टर अंडरटेकिंग के वरिष्ठतम प्रतिनिधि.

सदस्य सचिव ( 9 ) संबंधित वितरण कंपनी के मुख्य अभियंता/अधीक्षण अभियंता.

सदस्य ( 10 ) जिले में पदस्थ नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा विभाग, मध्यप्रदेश शासन / मध्यप्रदेश ऊर्जा विकास निगम लिमिटेड के अधिकारी .

सदस्य ( 11 ) जिले में जिलाध्यक्ष द्वारा नामांकित उपभोक्ता संगठनों के प्रतिनिधि.

2. संबंधित जिले के वरिष्ठतम माननीय सांसद, जिला समिति के अध्यक्ष तथा जिले में अन्य माननीय सांसद होने पर वे जिला समिति के सह अध्यक्ष/उपाध्यक्ष होंगे .

3. विचारणीय विषयः- जिले हेतु स्वीकृत दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना (DDUGJY) एवं एकीकृत विद्युत विकास योजना ( IPDS ) सहित समस्त केन्द्र प्रवर्तित योजनाओं के विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन तैयार करने हेतु सलाह एवं उक्त योजनाओं के क्रियान्वयन की मॉनिटरिंग , जिले में विद्युतीकरण के विस्तारण के समन्वय तथा पुनर्विलोकन, विद्युत प्रदाय की गुणवत्ता और उपभोक्ता संतुष्टि के पुनर्विलोकन तथा ऊर्जा दक्षता एवं उसके संरक्षण को प्रोत्साहन.

4. जिला समिति की तीन माह में कम से कम एक बार जिला मुख्यालय पर बैठक आयोजित की जाएगी.

5. जिला समितियों की बैठक के कार्यवाही विवरण/प्रतिवेदन की प्रति अनिवार्य रूप से राज्य शासन के ऊर्जा विभाग एवं म.प्र . विद्युत नियामक आयोग को भेजी जाएगी ।

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, एम. धारीवाल, विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी.

श्रम विभाग मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल

भोपाल , दिनांक 28 मई 2015

क्र. एफ - 9-3-2005- ब- सोलह कर्मचारी राज्य बीमा अधिनियम , 1948 ( 1948 का 34 ) की धारा 1 की उपधारा ( 5 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार , एतद्वारा उक्त अधिनियम के उपबंधों का, जिनका कि मध्यप्रदेश राजपत्र भाग- एक दिनांक 8 अगस्त 2014 में पूर्व प्रकाशन किया जा चुका है, नीचे दी गई अनुसूची के कॉलम ( 1 ) में विनिर्दिष्ट स्थापनाओं के वर्गों तक विस्तार करती है , अर्थात्: -

अनुसूची

स्थापनाओं का विवरण

वे क्षेत्र जहां स्थापन स्थित है (1) निम्नलिखित स्थापन जिनमें दस या अधिक व्यक्ति नियोजित है , अथवा पिछले बारह महीनों में किसी दिन नियोजित थे अर्थात्:-

1. दुकान

2. होटल

3. रेस्तरां

(2) सभी क्षेत्र जहां कर्मचारी राज्य बीमा अधिनियम, 1948 ( 1948 का 34) के उपबंध अधिनियम की धारा 1 की उपधारा ( 3 ) के अधीन पहले से ही लागू किये जा चुके हैं .

भाग 1 ]

1529

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

(2) (1)

4. सड़क मोटर परिवहन स्थापन

5. पूर्वदर्शन थियेटरों सहित सिनेमा घर

6. कामकाजी पत्रकार ( सेवा की शर्तें )

तथा प्रकीर्ण प्रावधान अधिनियम, 1955( 1955 का 45 ) की धारा 2 ( घ ) में यथापरिभाषित स्थापन.

7. व्यक्तियों, न्यासियों, सोसायटियों, अथवा अन्य संगठनों द्वारा चलाए जाने वाले शैक्षिक संस्थान (सार्वजनिक, निजी सहायता प्राप्त अथवा आंशिक रूप से सहायता प्राप्त सहित).

8. चिकित्सा संस्थान ( निगमित , संयुक्त क्षेत्र, न्यास धमार्थ तथा निजी स्वामित्व वाले अस्पताल , नर्सिंग होम ) , निदान केन्द्र , रोग विज्ञान प्रयोग शाला.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, श्रीनिवास शर्मा , उपसचिव .

भोपाल , दिनांक 28 मई 2015

क्र. एफ- 9-3-2005 - ब- सोलह. भारत के अनुच्छेद 348 के खण्ड ( 3 ) के अनुसरण में, इस विभाग की समसंख्यक अधिसूचना दिनांक 28 मई 2015 का अंग्रेजी अनुवाद राज्यपाल के प्राधिकार से एतद्वारा प्रकाशित किया जाता है .

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, श्रीनिवास शर्मा , उपसचिव.

Bhopal , the 28th May 2015

No. F- 9-3-2005 - B - XVI .- In exercise of the powers conferred by sub - section ( 5 ) of Section I of the Employees State Insurance Act . 1948 ( 34 of 1948 ) , the State Government hereby extends the provision of the said Act, which has previously been published in Madhya Pradesh Gazette , Part - 1 dated 8th August. 2014 to the classes of establishments specified in column ( 1 ) of the Schedule given below , namely:-

SCHEDULE

Description of establishments the Areas in where the establishments are situated The following establishment wheron ten or more persions are employed , or were employed on any day of the preceding twelve month , namely :-

I Shops :

ii Hotels :

iii Restaurants :

All areas where the provisions of the employees State Insurance Act , 1948 (34 of 1948 , have alrealdy been brought into force under sub - section force under sub- section (3 ) of section 1 of the Act .

iv Road Motor Transport establishments :

V Cinemas including preview theatres :

vi Newspaper establish- ments as defined in Clause ( d) of section 2 of the working Journalists (Conditions of Service) and Miscellaneous Provisions Act , 1955 (45 of1955) ;

vii Educational Institutions (including public , private , aided or partially aided) run by individuals , trustees , societies or other organizations.

viii Medical Institutions (including corporate , Joint sector , trust , charitable and private Owenership hospital , nursing homes ) Diagnostic centers . pathological labs .

By order and in the name of the Governor of Madhya Pradesh ,

SHRINIWAS SHARMA , Dy . Secy .

1530

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

नगरीय विकास एवं पर्यावरण विभाग

मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल

भोपाल, दिनांक 23 मई 2015

क्र. एफ 3-9-2015-अठारह 5.- राज्य शासन एतद्वारा विभागीय आदेश क्रमांक एफ-3-16-1999-32, दिनांक 22 फरवरी 1999 के द्वारा इटारसी विकास योजना हेतु मध्यप्रदेश नगर तथा ग्राम निवेश अधिनियम , 1973 की धारा 17 ( क ) ( 1 ) के अन्तर्गत गठन किया गया था. उक्त समिति को निम्नानुसार पुनर्गठन किया जाता है. यह समिति मध्यप्रदेश नगर तथा ग्राम निवेश अधिनियम 1973 की धारा 17 - क ( 2 ) सह पठित मध्यप्रदेश नगर तथा ग्राम निवेश नियम , 2012 के नियम 12 में उल्लेखित प्रावधानों के अनुसार कार्य करेगी:-

अधिनियम की धारा

व्यक्ति का नाम/पद 17 (क) ( 1 ) खण्ड

(1)

(2)

अध्यक्ष (क)

अध्यक्ष (ख)

संस्था/पता

समिति में पद (3)

(4)

सदस्य

नगरपालिका परिषद् इटारसी ( मेहरागांव एवं सोनासांवरी का आंशिक भाग )

सदस्य

जिला पंचायत, होशंगाबाद

सदस्य

होशंगाबाद संसदीय क्षेत्र

सांसद (ग)

विधायक (घ)

अध्यक्ष

सदस्य

विधान सभा क्षेत्र होशंगाबाद एवं सिवनी मालवा

कोई नहीं

नगर तथा ग्राम निवेश विकास प्राधिकारी

(ड)

1. अध्यक्ष

सदस्य

जनपद पंचायत, होशंगाबाद

(च)

2. अध्यक्ष

सदस्य

जनपद पंचायत, केसला

सरपंच (छ) 1.

सदस्य

ग्राम पंचायत, रेसलपुर

सरपंच

2.

सदस्य

ग्राम पंचायत , सोनासांवरी

सरपंच

3.

सदस्य

ग्राम पंचायत , ताराखेड़ा ( धोखेड़ा )

सरपंच

4.

सदस्य

ग्राम पंचायत, सनखेड़ा

5.

सरपंच

सदस्य

ग्राम पंचायत , सोमलवाड़ा खुर्द

सरपंच

6.

सदस्य

ग्राम पंचायत, घाटली

7.

सरपंच

सदस्य

ग्राम पंचायत, जुझारपुर

8 .

सरपंच

सदस्य

ग्राम पंचायत, गोंचीतरोंदा

सरपंच

9.

सदस्य

ग्राम पंचायत, पथरोटा

10.

सरपंच

सदस्य

ग्राम पंचायत, भट्टी

सरपंच

11.

सदस्य

ग्राम पंचायत , धुरपन

12.

सरपंच

सदस्य

ग्राम पंचायत, भीलाखेड़ी

सरपंच

13.

सदस्य

ग्राम पंचायत, बोरतलाई ( बेगनिया )

सरपंच

14.

सदस्य

ग्राम पंचायत, मेहरागांव

सरपंच

15.

सदस्य

ग्राम पंचायत , देहरी

प्रतिनिधि (ज) 1.

प्रतिनिधि

2.

प्रतिनिधि

3.

सदस्य

इस्टीट्यूट आफ टाउन प्लानर्स इण्डिया का प्रतिनिधि

सदस्य

इस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियर्स इण्डिया का प्रतिनिधि

सदस्य

इस्टीट्यूट ऑफ आर्किटेक्ट का प्रतिनिधि

4.

प्रतिनिधि

सदस्य

जिला कलेक्टर , होशंगाबाद

प्रतिनिधि

5.

प्रतिनिधि

6 .

7.

प्रतिनिधि

सदस्य

कार्यपालन यंत्री लोक निर्माण विभाग- होशंगाबाद

सदस्य

कार्यपालन यंत्री लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग होशंगाबाद

सदस्य

वन विभाग जिला होशंगाबाद

समिति का (झ)

संयोजक.

संयोजक

उप संचालक नगर तथा ग्राम निवेश जिला- कार्यालय

होशंगाबाद, मध्यप्रदेश.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार ,

एस. के. मुदगल , उपसचिव.

भाग 1 ]

1531

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

कार्यालय , कलेक्टर, जिला विदिशा , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग

विदिशा , दिनांक 21 मई 2015

क्र. 1186.- मध्यप्रदेश भू- राजस्व संहिता , 1959 ( संख्या 20, 1959 ) की धारा 2 ( 1 ) की उपधारा ( य -5 ) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, एतद्वारा, नीचे दर्शाये अनुसूची में स्तम्भ ( 1 ) में वर्णित भूमि के भाग को स्तम्भ ( 2 ) में दर्शित नाम से तहसील विदिशा , जिला विदिशा के अन्तर्गत राजस्व ग्राम घोषित किया जाता है :-

अनुसूची

स्तंभ-( 1) भू-भाग का विवरण

क्र.

पटवारी हल्का

मूल ग्राम का नाम

स्तंभ- (2 ) राजस्व ग्राम का नाम एवं पटवारी हल्का नंबर

हल्का नं.

पृथक किया गया

क्षेत्रफल

नंबर

(4)

(3)

(1)

(2)

71

486.548 1

धमनोदा

राजस्व ग्राम का नाम

(6)

(5)

ग्रंट

71

क्र. 1187.- मध्यप्रदेश भू- राजस्व संहिता , 1959 ( संख्या 20, 1959 ) की धारा 2 ( 1 ) की उपधारा ( य -5 ) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, एतद्द्वारा , नीचे दर्शाये अनुसूची में स्तम्भ ( 1 ) में वर्णित भूमि के भाग को स्तम्भ ( 2 ) में दर्शित नाम से तहसील नटेरन, जिला विदिशा के अन्तर्गत राजस्व ग्राम घोषित किया जाता है : -

अनुसूची

स्तंभ-( 1) भू- भाग का विवरण

क्र. मूल ग्राम का नाम

पटवारी हल्का नंबर

स्तंभ- (2) . राजस्व ग्राम का नाम एवं पटवारी हल्का नंबर

हल्का नं.

राजस्व ग्राम

का नाम

पृथक किया गया

क्षेत्रफल

(3)

(4) (1)

(2)

5

158.227 1

रायखेड़ी

(5)

(6) 5

गूदनखेड़ी

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , एम. बी. ओझा, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय , कलेक्टर, जिला छिंदवाड़ा, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग

छिंदवाड़ा, दिनांक 23 मई 2015

क्र. 672.- मध्यप्रदेश भू- राजस्व संहिता, 1959 ( संख्या 20 , 1959 ) की धारा 2 ( 1 ) की उपधारा ( य -5 ) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, एतद्द्वारा , नीचे दर्शाये अनुसूची में स्तम्भ ( 1 ) में वर्णित भूमि के भाग को स्तम्भ ( 2 ) में दर्शित नाम से तहसील छिंदवाड़ा, जिला छिंदवाड़ा के अन्तर्गत राजस्व ग्राम घोषित किया जाता है : -

अनुसूची भू- भाग का विवरण (मूल ग्राम नाम व प. ह. नं. एवं इससे पृथक् किया गया क्षेत्रफल ) (1) ग्राम राजाखोह, प.ह.नं. 37 से पृथक् किया गया क्षेत्रफल 346.679 हेक्टेयर.

राजस्व ग्राम का नाम एवं प. ह. नं. (2) ग्राम राजाखोहढाना, प.ह.नं. 37.

1532

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

क्र. 673.- मध्यप्रदेश भू- राजस्व संहिता , 1959 ( संख्या 20 , 1959 ) की धारा 2 ( 1 ) की उपधारा ( य -5 ) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, एतद्वारा , नीचे दर्शाये अनुसूची में स्तम्भ ( 1 ) में वर्णित भूमि के भाग को स्तम्भ ( 2 ) में दर्शित नाम से तहसील मोहखेड, जिला छिंदवाड़ा के अन्तर्गत राजस्व ग्राम घोषित किया जाता है :-

अनुसूची

भू- भाग का विवरण (मूल ग्राम नाम व प. ह . नं. एवं इससे पृथक् किया गया क्षेत्रफल )

राजस्व ग्राम का नाम एवं प. ह. नं. (2)

(1)

ग्राम जायदेई, प.ह.नं. 5 ग्राम मुजावर माल, प.ह.नं. 5 से पृथक् किया गया क्षेत्रफल 336.716 हेक्टेयर.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, महेशचन्द्र चौधरी , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय , कलेक्टर, जिला छतरपुर, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग

छतरपुर, दिनांक 26 मई 2015

प्र. क्र. अ - 82-2013-14.- चूंकि, राज्य शासन को समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि का सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुर्नवासन और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 ( क्रमांक 30 , सन् 2013 ) की धारा 19 के अंतर्गत , इसके लिए, यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन- निजी भूमि

(क) जिला- छतरपुर

तहसील-राजनगर

(ख)

नगर/ग्राम-लखेरी

(ग)

लगभग क्षेत्रफल -0.000 हेक्टेयर .

(घ)

अर्जित की जा रही भूमि की सूची

मकान मालिक का नाम (3) भूमि का खसरा नं. (1)

मकानों का माप ( फिट ) में

(2)

16×26

1527 (म. प्र. शासन आबादी )

53×47

1526 ( म. प्र. शासन आबादी )

80×62

1558 ( म. प्र . शासन गोठान )

रामचरन तनय कसिया अहिरवार प्यारेलाल तनय स्व. सल्ले पटेल हरिया तनय खुमान पटेल ( 2) सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है- ललितपुर- सिंगरौली ( खजुराहो ) नई बड़ी रेल लाइन निर्माण हेतु.

(3) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, कलेक्टर, भू- अर्जन कार्यालय , अनुविभागीय अधिकारी , राजनगर के कार्यालय में किया जासकता है .

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , मसूद अख्तर , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

1533 भाग 1 ]

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

विभाग प्रमुखों के आदेश

कार्यालय , कलेक्टर , जिला जबलपुर, मध्यप्रदेश

जबलपुर, दिनांक 27 अप्रैल 2015

क्र. बा.श्र. - 2015-1096 .- बंधक श्रम प्रथा उन्मूलन अधिनियम , 1976 ( क्रमांक 19 सन् 1976 ) की धारा 13 के अन्तर्गत मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग , मंत्रालय के ज्ञापन क्रमांक एम - 1-1-93- समन्वय , दिनांक 21 मार्च 1997 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का उपयोग करते हुए, कलेक्टर, जबलपुर द्वारा जिला स्तर के लिए पूर्व में गठित जिला सतर्कता समिति को निम्नानुसार पुर्नगठित किया जाता है: - जिला स्तरीय सतर्कता समिति - जबलपुर

कलेक्टर/ अपर कलेक्टर

1. अध्यक्ष-

श्री ए. के. नायक, 1035 आशा काम्पलेक्स, बंगाली कालोनी .

2. अनु. जाति/जनजाति जिला के ( तीन सदस्य ) जबलपुर ( 1 )

श्रीमती सुनीता दाहिया, ग्राम छेडी, पोस्ट बडौदा , तहसील पाटन, जिला जबलपुर . ( 2 )

(3 ) श्री राजकुमार भूमिया, ग्राम डुडवारा ( खुलरी ) पोस्ट गंगई, थाना चरगवां , जबलपुर.

3. सामाजिक कार्यकर्ता ( दो सदस्य ) -

( 1 ) श्रीमती लता सिंह , गांधी स्टूडियो, मन्नूलाल अस्पताल के सामने , दीक्षितपुरा , जबलपुर .

(2 ) श्री चक्रवर्ती , एन. प्लांट नं . 55, गुरूदेव अस्पताल के सामने , दीक्षितपुरा , जबलपुर.

4. राज्य शासन द्वारा मनोनीत शासकीय ( तीन सदस्य ) - ( 1 ) पुलिस अधीक्षक, जबलपुर

(2 ) मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत जबलपुर

(3 ) सहायक आयुक्त, आदिम जाति विकास , जबलपुर 5. वित्तीय एवं ऋण स्थापनाओं के प्रतिनिधि ( एक सदस्य) ( 1 ) प्रबंधक, लीड बैंक , जबलपुर.

क्र. बा.श्र. - 2015-1096. - बंधक श्रम प्रथा उन्मूलन अधिनियम, 1976 ( क्रमांक 19 सन् 1976 ) की धारा 13 के अन्तर्गत मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग , मंत्रालय के ज्ञापन क्रमांक एम- 1-1-93- समन्वय , दिनांक 21 मार्च 1997 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का उपयोग करते हुए, कलेक्टर, जबलपुर द्वारा जिला स्तर के लिए पूर्व में गठित जिला सतर्कता समिति को निम्नानुसार पुर्नगठित किया जाता है: - उपखण्ड स्तरीय सतर्कता समिति- जबलपुर

1. अध्यक्ष-

अनुविभागीय अधिकारी राजस्व जबलपुर 2. अनु. जाति/जनजाति जिला के ( तीन सदस्य ) जबलपुर ( 1 ) श्रीमती मंहतो बाई परस्ते पति प्रकाश निवासी सालीवाडा, ग्राम पंचायत तुनिया, तह. जबलपुर.

( 2 ) श्री भारत मरावी पिता मोहनलाल मरावी , निवासी सिवनी टोला, पोस्ट तिलवारा घाट, तह. जबलपुर .

(3 ) श्री धनश्याम मसराम पिता कमल सिंह मसराम , निवासी ग्राम बरबटी , पोस्ट पिंडरई , तह. जबलपुर.

1534

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

3. सामाजिक कार्यकर्ता ( दो सदस्य) -

(1 ) श्री प्रियेश ( मोनू) खरे/दुर्गेश खरे सदस्य , जनपद पंचायत पनागर, निवासी ग्राम ईमलई, तह. पनागर.

(2) श्री पंचम पटैल, निवासी ग्राम सुहागी , तह. पनागर.

4. शासकीय /अशासकीय ( दो सदस्य) -

( 1 ) मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत, जबलपुर.

(2) मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत पनागर.

5. वित्तीय एवं ऋण संस्थाओं के प्रतिनिधि एक सदस्य-

शाखा प्रबंधक, जिला भूमि विकास बैंक मर्यादित, पनागर.

6. धारा 10 के अन्तर्गत विनिर्दिष्ट अधिकारी-

तहसीलदार जबलपुर.

उपखण्ड स्तरीय सतर्कता समिति-कुण्डम

1. अध्यक्ष-

अनुविभागीय अधिकारी राजस्व कुण्डम 2. अनु. जाति/जनजाति जिला के ( तीन सदस्य ) जबलपुर ( 1 ) श्रीमती जमुना मरावी , जिला पंचायत सदस्य, जबलपुर.

(2 ) श्रीमती आराधना महोबिया, जनपद पंचायत अध्यक्ष कुण्डम

(3 ) श्री ओंकार सिंह मसराम , उपाध्यक्ष जनपद पंचायत कुण्डम 3. सामाजिक कार्यकर्ता ( दो सदस्य ) -

( 1 ) श्री कमलेश साहू, कुण्डम

(2 ) श्री नारायण चनपुरिया, बधराजी

4. शासकीय/अशासकीय ( दो सदस्य) -

( 1 ) मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जनपद पंचायत, कुण्डम

( 2 ) विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी, कुण्डम 5. वित्तीय एवं ऋण संस्थाओं के प्रतिनिधि एक सदस्य-

शाखा प्रबंधक, भारतीय स्टेट बैंक, कुण्डम 6. धारा 10 के अन्तर्गत विनिर्दिष्ट अधिकारी-

तहसीलदार जबलपुर.

उपखण्ड स्तरीय सतर्कता समिति-पाटन

1 . अध्यक्ष-

अनुविभागीय अधिकारी राजस्व पाटन 2. अनु. जाति/जनजाति जिला के ( तीन सदस्य ) जबलपुर ( 1 ) श्री मुकेश दाहिया, जनपद सदस्य, ग्राम पंचायत झामर, तहसील पाटन.

(2 ) श्रीमती आशा बाई गौंड़ , जनपद सदस्य ग्राम पंचायत, रियाना

(3 ) श्री राजेन्द्र सिंह उर्फ मोनू जनपद सदस्य ग्राम पंचायत सहजपुर, तहसील शहपुरा .

(4) श्रीमती मालती उर्फ सम्मा बाई , ग्राम पंचायत सिहौदा, थाना भेडाघाट, तहसील शहपुरा.

3. सामाजिक कार्यकर्ता ( दो सदस्य ) -

( 1 ) श्री गजेन्द्र सिंह ठाकुर, गुरू मोहल्ला पाटन

(2) श्री बालचंद जैन , बाजार वार्ड पाटन

4. शासकीय/अशासकीय ( दो सदस्य) -

( 1 ) मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जनपद पंचायत पाटन

(2 ) विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी , पाटन 1535 भाग 1 ]

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

5. वित्तीय एवं ऋण संस्थाओं के प्रतिनिधि एक सदस्य-

श्री बी. बी. रावत, प्रबंधक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया शाखा पाटन .

6 . धारा 10 के अन्तर्गत विनिर्दिष्ट अधिकारी-

( 1 ) तहसीलदार पाटन

( 2) तहसीलदार शहपुरा.

उपखण्ड स्तरीय सतर्कता समिति- सिहोरा

1 . अध्यक्ष-

अनुविभागीय अधिकारी राजस्व सिहोरा 2. अनु. जाति /जनजाति जिला के ( तीन सदस्य ) जबलपुर ( 1 ) श्रीमती उर्मिला दाहिया अध्यक्ष जनपद पंचायत मझौली

(2 ) श्री बिहारी लाल दाहिया ग्राम बेला

(3 ) श्री अनिल कुमार चौधरी ग्राम कछपुरा 3. सामाजिक कार्यकर्ता ( दो सदस्य) -

( 1 ) श्रीमती अंजना सराफ, वार्ड नं. 6 सिहोरा

(2) श्री संजय खरया, ग्राम तलाड तह. मझौली 4. शासकीय/अशासकीय ( दो सदस्य) -

( 1 ) मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जनपद पंचायत, सिहोरा

(2 ) विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी , मझौली 5. वित्तीय एवं ऋण संस्थाओं के प्रतिनिधि एक सदस्य- ( 1 ) शाखा प्रबंधक, सेन्ट्रल बैंक सिहोरा

6. धारा 10 के अन्तर्गत विनिर्दिष्ट अधिकारी-

( 1 ) तहसीलदार सिहोरा

शिवनारायण रूपला, कलेक्टर कार्यालय, कलेक्टर, एवं जिला दण्डाधिकारी , जिला छिन्दवाड़ा मध्यप्रदेश

(क) बासी मिठाईयों तथा नमकीन वस्तुओं, व सड़े - गले फलों, व सब्जियों, मास- मछली अण्डों की बिक्री प्रतिनिषिद्ध रहेगी.

छिन्दवाड़ा, दिनांक 13 मई 2015

क्र. 7748 - व.लि. - 2015.- छिन्दवाड़ा जिले में संक्रामक रोग हैजा के फैलने की आशंका के कारण तथा सार्वजनिक स्वास्थ्य सुरक्षा की दृष्टि से यह आवश्यक है कि इस संसर्गिक बीमारी का प्रादुर्भाव और फैलाव की रोकथाम हेतु प्रतिबंधात्मक उपाय तुरन्त लागू किये जावे.

(ख) बासी मिठाईयों व नमकीन वस्तुओं , फल, सब्जियों, दूध, दही, उबली हुई चाय, काफी, शर्बत , मांस- मछली, कुल्फी, आईसक्रीम, आदि पदार्थ बर्फ के लड्डू व चूसने वाले पदार्थ बिक्री हेतु खुले नहीं रखे जायेंगे . उन्हें जालीदार ढक्कनों अथवा कांच के बंद शोकेस, बंद अलमारी अथवा पारदर्शी आवरण से ढक कर इस प्रकार रखा जावेंगे ताकि वे मक्खी, मच्छर आदि जन्तुओं या दूषित हवा से मानव उपयोग के लिये दूषित या अस्वास्थ्यकार या अनुपयोगी न हो सकें.

अतः मैं , महेश चन्द्र चौधरी , कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी, जिला छिन्दवाड़ा में मध्यप्रदेश हैजा विनियम-1979 के नियम -3 के अन्तर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए आदेश देता हूं किः-

2. इस आदेश द्वारा प्रतिबंधित अवधि में घोषित अधिसूचित क्षेत्र के बाहर कोई भी व्यक्ति इस आदेश के चरण -1 ( क एवं ख) में उल्लेखित वस्तुओं तथा पकाये गये भोजन को न तो लायेगा / न ही ले जायेगा.

1. अधिसूचित क्षेत्र के सार्वजनिक स्थानों, बाजारों, उपाहारगृहों, भोजनशाला , होटलों, जनता के लिये खाद्य पदार्थ निर्माण कार्य करने या उनके प्रयोग करने के लिये कायम रखी गयी स्थापना में विक्रय या निर्मूल्य वितरण हेतु उपयोग में आये गये स्थानों पर:-

इस आदेश द्वारा प्रतिबंधित अवधि में अधिसूचित क्षेत्र के किसी बाजार भवन, स्कूल स्टाल अथवा खाने पीने की 1536

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

किसी भी वस्तु या निर्मूल्य वितरण हेतु उपयोग में लाये जा रहे स्थान प्रवेश करने निरीक्षण करने उनमें विद्यमान ऐसी वस्तु की जांच पड़ताल करने तथा खाने-पीने की ऐसी वस्तु के विक्रय का मानव उपयोग अभिप्रेत है और जो पदार्थ दूषित या अनुपयुक्त है, तो दण्ड प्रक्रिया सहिंता की धारा 95 व 165 में उल्लेखित की गई रीति से पाई गई अस्वस्थ्य कारक दूषित व अनुपयुक्त वस्तुओं का अधिग्रहण कराकर हटाने व नष्ट कर या उसके ऐसी रीति से निर्वतन करने के लिये जिससे वह मानव उपयोग में लाये जाने से रोकी जा सके. जनहित में मध्यप्रदेश खाद्य उपमिश्रण निवारण नियम, 1962 के नियम 5 ( 5 ) के अन्तर्गत खाद्य पदार्थों के विक्रय संग्रह एवं निर्माण हेतु जारी किये खाद्य लायसेंस निलंबित और मध्यप्रदेश खाद्य अपमिश्रण निवारण अधिनियम , 1954 की धारा 7 के अन्तर्गत प्रतिबंध किये जावेंगे एवं न्यायालयीन कार्यवाही की जावेगी, धारा 16 के तहत जिसमें दण्ड में सजा एवं जुर्माना का प्रावधान किया गया है . अधिसूचित क्षेत्र में स्थित निम्नलिखित अधिकारियों को प्राधिकृत करता हूं: -

1. समस्त कार्यपालिक दण्डाधिकारी .

2. मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी / सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक / खण्ड चिकित्सा अधिकारी .

3. मुख्य नगरपालिका अधिकारी.

4. मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत/जनपद पंचायत.

5.

नगर के स्वास्थ्य अधिकारी एवं खाद्य निरीक्षक.

6. खाद्य अधिकारी/खाद्य निरीक्षक.

उपरोक्त उल्लेखित पदाधिकारी अधिसूचित क्षेत्र में किन्ही भी नालों, नालियों, गटरों , पानी के गड्डों, पोखर, मलकुण्डों, संडासों संक्रामक वस्त्रों, बिस्तरों, कुडा- करकट अथवा किसी प्रकार की गंदगी को हटाने उक्त स्थापन को स्वच्छ और रोग कीटाणु से उसका निर्वचन करने अथवा उसके संबंध में समुचित रोगाणुनाशक पदार्थ का समुचित उपयोग करने के लिये आदेश दे सकेंगे .

यह आदेश जारी होने के दिनांक से प्रभावशील होंगे तथा आगामी छः माह की अवधि या अन्य आदेश तक जो भी पहले हो प्रभावशील होंगे.

क्र. 7749 - व.लि.. 2015.- मध्यप्रदेश आपत्तिक हैजा विनियम 1979 के नियम -3 के अन्तर्गत हैजा, ज्वर, आंत्रशोध रोग के फैलने की संभावना को दृष्टिगत रखते हुए मैं , महेश चन्द्र चौधरी , कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी , छिन्दवाड़ा जिला छिन्दवाड़ा की संपूर्ण सीमा को अधिसूचित क्षेत्र घोषित करता हूं. इसी विनियम के नियम -2 के उप नियम ( घ ) एवं (ङ) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए छिन्दवाड़ा जिले के समस्त कार्यपालिक दण्डाधिकारी मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्यअधिकारी , सहायक सर्जन, मुख्य नगरपालिका अधिकारी , खाद्य निरीक्षक ( खाद्य विभाग ) स्वास्थ्य निरीक्षक नगरपालिका उक्त समस्त संबंधितों को उक्त अधिसूचना में दर्शित अवधि के लिये उल्लेखित अधिकारी के रूप में प्राधिकृत करता हूं. मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी छिन्दवाड़ा को निर्देश देता हूं कि इस संबंध में शासनादेश को पूर्ण पालन करना सुनिश्चित करें , प्रतिबंधात्मक कार्यवाही भी की जावे.

महेश चन्द्र चौधरी , कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी .

कार्यालय , कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी , जिला नरसिंहपुर मध्यप्रदेश

नरसिंहपुर, दिनांक 14 मई 2015

क्र. 6658 - वलि- 1-15-44-2015.- नरसिंहपुर जिले में संक्रामक रोग हैजा के फैलने की आशंका के कारण तथा सार्वजनिक स्वास्थ्य सुरक्षा की दृष्टि से यह आवश्यक है कि इस संसर्गिक बीमारी का प्रादुर्भाव और फैलाव की रोकथाम हेतु प्रतिबंधात्मक उपाय तुरन्त लागू किये जाये.

अतः मैं , नरेश पाल , कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी , जिला नरसिंहपुर में मध्यप्रदेश हैजा विनियम -1979 के नियम-3 के अन्तर्गत शक्तियों का प्रयोग करते हुए आदेश देता हूं किः- 1. अधिसूचित क्षेत्र के सार्वजनिक स्थानों, बाजारों , उपाहारगृहों, भोजनशाला, होटलों, जनता के लिये खाद्य पदार्थ निर्माण कार्य करने या उनके प्रयोग करने के लिये कायम रखी गयी स्थापना में विक्रय या निर्मूल्य वितरण हेतु उपयोग में आये गये स्थानों पर:-

(क) बासी मिठाईयों तथा नमकीन वस्तुओं, व सड़े - गले फलों, व सब्जियों, मास- मछली अण्डों की बिक्री प्रतिनिषिद रहेगी.

(ख) बासी मिठाईयों व नमकीन वस्तुओं, फल, सब्जियां, दूध , दही, उबली हुई चाय , काफी , शर्बत , मांस- मछली, कुल्फी, आईसक्रीम, आदि पदार्थ बर्फ के लड्डू व चूसने वाले तरल पदार्थ बिक्री हेतु खुले नहीं रखे जायेंगे . उन्हें जालीदार ढक्कनों अथवा कांच के बंद शोकेस , बंद अलमारी अथवा पारदर्शी आवरण से ढक कर इस प्रकार रखा जावेंगे ताकि वे मक्खी, मच्छर आदि जन्तुओं या दूषित हवा से मानव उपयोग के लिये दूषित अस्वास्थ्यकार या अनुपयोगी न हो सकें.

भाग 1 ]

1537

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

2. इस आदेश द्वारा प्रतिबंधित अवधि में घोषित अधिसूचित क्षेत्र के बाहर कोई भी व्यक्ति इस आदेश के चरण-1 ( क एवं ख ) में उल्लेखित वस्तुओं तथा पकाये गये भोजन को न तो लायेगा / न ही ले जायेगा.

इस आदेश द्वारा प्रतिबंधित अवधि में अधिसूचित क्षेत्र के किसी बाजार भवन , दुकान स्टाल अथवा खाने पीने की किसी भी वस्तु के निर्मूल्य वितरण हेतु उपयोग में लाये जा रहे स्थान प्रवेश करने निरीक्षण करने उनमें विद्यमान .ऐसी वस्तु की जांच पड़ताल करने तथा खाने- पीने की ऐसी वस्तु के विक्रय का मानव उपयोग अभिप्रेत है और जो पदार्थ दूषित या अनुपयुक्त है , तो दण्ड प्रक्रिया सहिंता की धारा 95 व 165 में उल्लेखित की गई रीति से पाई गई अस्वस्थ्य कारक दूषित व अनुपयुक्त वस्तुओं का अधिग्रहण कराकर हटाने व नष्ट कर या उसके ऐसी रीति से निर्वतन करने के लिये जिससे वह मानव उपयोग में लाये जाने से रोकी जा सके. जनहित में मध्यप्रदेश खाद्य उपमिश्रण निवारण नियम , 1962 के नियम 5 ( 5 ) के अन्तर्गत खाद्य पदार्थों के विक्रय संग्रह एवं निर्माण हेतु जारी किये खाद्य लायसेंस निलंबित और मध्यप्रदेश खाद्य अपमिश्रण निवारण अधिनियम , 1954 की धारा 7 के अन्तर्गत प्रतिबंध किये जावेंगे एवं न्यायालयीन कार्यवाही की जावेगी , धारा 16 के तहत जिसमें दण्ड में सजा एवं जुर्माना का प्रावधान किया गया है . अधिसूचित क्षेत्र में स्थित निम्नलिखित अधिकारियों को प्राधिकृत करता हूं:-

1. समस्त कार्यपालिक दण्डाधिकारी .

2. मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्यअधिकारी /सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक / खण्ड चिकित्सा अधिकारी.

3. मुख्य नगरपालिका अधिकारी

4.

मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत/जनपद पंचायत.

5.

नगर के स्वास्थ्य अधिकारी एवं खाद्य निरीक्षक खाद्य अधिकारी/खाद्य निरीक्षक

6.

उपरोक्त उल्लेखित पदाधिकारी अधिसूचित क्षेत्र में किन्ही भी नालों, नालियों, गटरों, पानी के गड्डों, पोखर, मलकुण्डों, संडासों संक्रामक वस्त्रों, बिस्तरों, कुडा- करकट अथवा किसी प्रकार की गंदगी को हटाने उक्त स्थापन को स्वच्छ और रोग कीटाणु से उसका निर्वचन करने अथवा उसके संबंध में समुचित रोगाणुनाशक पदार्थ का समुचित उपयोग करने के लिये आदेश दे सकेंगे.

यह आदेश जारी होने के दिनांक से प्रभावशील होंगे तथा आगामी छः माह की अवधि या अन्य आदेश तक जो भी पहले हो प्रभावशील होंगे .

नरेश पाल , कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी.

पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग भोपाल , दिनांक 20 मई 2015

क्र. 5456 - एनआर-14 लोकपाल-3-2015.- लोकायुक्त कार्यालय मध्यप्रदेश भोपाल के पत्र क्र. 154 - स.स. समिति चयन- 2013 भोपाल , दिनांक 24 अक्टूबर 2013 के परिप्रेक्ष्य में मध्यप्रदेश शासन पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, भोपाल के आदेश क्र. 1160-एनआर- 14- लोकपाल- 3-2015 , दिनांक 9 फरवरी 2015. द्वारा श्रीमती नीता पहारिया , सदस्य संभागीय सतर्कता समिति ग्वालियर एवं चम्बल संभाग के भिण्ड एवं मुरैना जिलों के लिए मनरेगा लोकपाल नियुक्त किया गया था.

लोकायुक्त कार्यालय मध्यप्रदेश भोपाल के पत्र क्र. 120/मनरेगा लोकपाल/2015 , दिनांक 22 अप्रैल 2015 द्वारा लेख किया है . कि उपरोक्त आदेश के तहत श्रीमती नीता पहारिया, लोकपाल पद पर कार्य करने हेतु अनिच्छुक है. अतः आदेश निरस्त किया जाये.

एतद्वारा मध्यप्रदेश शासन पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग , भोपाल , मध्यप्रदेश के आदेश क्र. 1160- एनआर-14 लोकपाल- 3- 2015, भोपाल , दिनांक 9 फरवरी 2015 निरस्त किया जाता है .

यह आदेश तत्काल प्रभावशील होगा.

संजीव कुमार झा, सचिव.

कार्यालय , कलेक्टर, एवं जिला दण्डाधिकारी , जिला सिवनी , मध्यप्रदेश सिवनी , दिनांक 21 मई 2015

क्र. 5046 - एस. डब्ल्यू. - 15.- वर्तमान समय में तापमान मौसम को दृष्टिगत रखते हुए सिवनी जिले में संक्रामक रोग " हैजा के फैलने की आशंका के कारण " तथा सार्वजनिक स्वास्थ्य सुरक्षा की दृष्टि से यह आवश्यक है कि इस संसर्गिक बीमारी का प्रादुर्भाव और फैलाव की रोकथाम हेतु प्रतिबंधात्मक उपाय तुरन्त लागू किये जायें अतः मैं, भरत यादव , कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी, जिला सिवनी में मध्यप्रदेश हैजा विनियम 1979 के नियम-3 के अन्तर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए आदेश देता हूं किः- 1538

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1. अधिसूचित क्षेत्र के सार्वजनिक स्थानों, बाजारों , उपाहारगृहों , भोजनालय , होटलों, जनता के लिये खाद्य पदार्थ निर्माण कार्य करने या उनके प्रयोग करने के लिये कायम रखी गई स्थापना में विक्रय या निमूल्य वितरण हेतु उपयोग में आये गये स्थानों पर:-

(अ ) बासी मिठाईयों व नमकीन वस्तुओं व सड़े - गले फलों, व सब्जियों, मास- मछली व अण्डों की बिक्री प्रतिनिषिद रहेगी.

( ब ) बासी मिठाईयों तथा नमकीन वस्तुओं, फल सब्जियों, दूध , दही, उबली हुई चाय , काफी, शर्बत, मांस- मछली , कुल्फी, आईसक्रीम आदि पदार्थ बर्फ के लड्डू व चूसने वाले तरल पदार्थ बिक्री हेतु खुले नहीं रखे जायेंगे . उन्हें जालीदार ढक्कनों अथवा कांच के बंद शोकेस, बंद अलमारी अथवा पारदर्शी आवरण से ढक कर इस प्रकार रखा जावेंगे ताकि वे मक्खी, मच्छर आदि जन्तुओं या दूषित हवा से मानव उपयोग के लिये दूषित अस्वास्थ्यकार या अनुपयोगी न हो सकें.

2. इस आदेश द्वारा प्रतिबंधित अवधि में अधिसूचित क्षेत्र के बाहर कोई भी व्यक्ति इस आदेश के चरण-1 ( अ एवं ब ) में उल्लेखित वस्तुओं तथा पकाये गये भोजन को न तो लायेगा न ही ले जायेगा.

इस आदेश द्वारा प्रतिबंधित अवधि में अधिसूचित क्षेत्र के किसी बाजार भवन, दुकान स्टाल अथवा खाने पीने की किसी भी वस्तु के निमूल्य वितरण हेतु उपयोग में लाये जा रहे स्थान प्रवेश करने निरीक्षण करने उनमें विद्यमान ऐसी वस्तु की जांच पड़ताल करने तथा खाने - पीने की ऐसी वस्तु के विक्रय का मानव उपयोग अभिप्रेत है जो पदार्थ दूषित या अनुपयुक्त है, तो दण्ड प्रक्रिया सहिंता की धारा 95 व 165 में उल्लेखित की गई रीति से पाई गई अस्वस्थ्यकारक दूषित व अनुपयुक्त वस्तुओं का अधिग्रहण कराकर हटाने व नष्ट कर या उसको ऐसी रीति से निर्वतन करने के लिये जिससे वह मानव उपयोग में लाये जाने से रोकी जा सके. जनहित में मध्यप्रदेश खाद्य उपमिश्रण निवारण नियम , 1962के नियम 5 ( 5 ) के अन्तर्गत खाद्य पदार्थों के विक्रय संग्रह एवं निर्माण हेतु जारी किये खाद्य लायसेंस निलंबित और मध्यप्रदेश खाद्य अपमिश्रण निवारंण अधिनियम, 1954 की धारा 7 के अन्तर्गत प्रतिबंध किये जावेंगे एवं न्यायालयीन कार्यवाही की जावेगी , धारा 16 के तहत जिसमें दण्ड में सजा एवं जुर्माना का प्रावधान किया गया है. अधिसूचित क्षेत्र में स्थित निम्नलिखित

[ भाग 1 अधिकारियों को प्राधिकृत करता हूं: -

1. मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जिला पंचायत सिवनी 2.

समस्त कार्यपालिक दण्डाधिकारी , जिला सिवनी 3. मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी /सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक/ खंड चिकित्सा अधिकारी. .(द्वारा जिला चिकित्सा अधिकारी सिवनी) .

4.

मुख्य नगरपालिका अधिकारी सिवनी/ नगर पंचायत लखनादौन/बरघाट.

5.

मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जनपद पंचायत सिवनी/ कुरई/बरघाट/केवलारी/छपारा/ लखनादौन /घंसौर एवं धनौरा, जिला सिवनी.

6.

खाद्य अधिकारी/खाध निरीक्षक खाद्य अधिकारी सिवनी ) . .(द्वारा 7.

नगर के स्वास्थ्य अधिकारी एवं स्वास्थ्य निरीक्षक .(द्वारा जिला चिकित्सालय सिवनी ) .

उपरोक्त उल्लेखित पदाधिकारी अधिसूचित क्षेत्र में किन्ही भी नालों, नालियों गटरों, पानी के गड्डों, पोखर, मलकुण्डों, संडासों संक्रामक वस्त्रों, बिस्तरों, कुड़ा- करकट अथवा किसी प्रकार की गंदगी को हटाने उक्त स्थापन को स्वच्छ और रोग कीटाणु से उसका निर्वतन करने अथवा उसके संबंध में समुचित रोगाणुनाशक पदार्थ का समुचित उपयोग करने के लिये आदेश दे सकेंगे .

यह आदेश जारी दिनांक से आगामी आदेश तक प्रभावशील होंगे .

भरत यादव, कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी.

कार्यालय , कलेक्टर, जिला उज्जैन, मध्यप्रदेश उज्जैन , दिनांक 22 मई 2015

क्र. स्थानीय निर्वाचन- 2015-443.- मण्डी समिति सम्मेलनों में भाग लेने के लिये मध्यप्रदेश कृषि उपज मण्डी अधिनियम, 1972 की धारा 11 के खण्ड ( ञ ) में दर्शाये गये प्रावधानों के अन्तर्गत कृषि उपज मण्डी समिति महिदपुर क्षेत्र की अधिकारिता के भीतर आने वाली ग्राम पंचायत या जनपद पंचायत या जिला पंचायत का एक प्रतिनिधि जो जिला पंचायत अध्यक्ष द्वारा नामांकित किये जाने के प्रावधान अनुसार श्री महेश परमार, अध्यक्ष , जिला पंचायत , उज्जैन द्वारा कृषि उपज मण्डी समिति महिदपुर हेतु नामांकित श्री मदनसिंहजी राजपूत सदस्य, जनपद पंचायत महिदपुर को कृषि उपज मण्डी समिति महिदपुर हेतु नामनिर्दिष्ट कर अधिसूचित किया जाता है.

कवीन्द्र कियावत, कलेक्टर.

भाग 1 ]

1539

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

कार्यालय , कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी, मण्डी, जिला विदिशा, मध्यप्रदेश विदिशा, दिनांक 13 मई 2015

क्र. क्यू- ए.पी.डी. - 2015-5216.- एतद्वारा सूचित किया जाता है कि मध्यप्रदेश कृषि उपज मण्डी अधिनियम , 1972 की धारा 11 ( 5 ) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, मैं , एम. बी. ओझा, कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ( मण्डी) , जिला विदिशा कार्यालयीन अधिसूचना क्रमांक/2014/1162-63 , दिनांक 29-1- 2014 द्वारा श्री संतोष चौरे पुत्र श्री देवकरण चौरे, नि. वार्ड नं. 1 , सुभाष नगर, तह. सिरोंज को मा. श्री वीरसिंह पवार, विधायक, विधान सभा क्षेत्र 146 कुरवाई , जिला विदिशा को कृषि उपज मण्डी समिति सिरोंज में नाम निर्दिष्ट किया गया था, को एतद्वारा विलोपित करते हुए, कृषि उपज मण्डी समिति सिरोंज हेतु निम्नानुसार प्रतिनिधि के रूप में नामनिर्दिष्ट करता हूं : -

संस्था/व्यक्ति का नाम मण्डी

अधिनियम

की धारा

जिसकी ओर से प्रतिनिधि नाम-

क्र. निर्दिष्ट व्यक्ति का नाम एवं पता

निर्दिष्ट किया गया है

(2)

(1)

1972की

मा. वीरसिंह पवार,

1 श्री राजेश बघेल पुत्र

(4) धारा (3)

विधायक, विधान-

श्री वीरसिंह बघेल,

सभा क्षेत्र 146

11(5) नि. ग्राम रिनिया,

तह. सिरोंज,

कुरवाई , जिला

जिला विदिशा .

विदिशा ( म.प्र. ).

एम. बी. ओझा, कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ( मण्डी)

निर्वाचन आयोग भारत की अधिसूचनाएं

विधि और विधायी ( निर्वाचन ) कार्य विभाग 17, अरेरा हिल्स, भोपाल- भोपाल , दिनांक 22 मई 2015

फा. क्र. 02-2014- चार-277.- भारत निर्वाचन आयोग की अधिसूचना क्रमांक 82/MP- LA ( 02/2014 ) 2015 , दिनांक 1 मई 2015 सर्वसाधारण की जानकारी के लिये प्रकाशित की जाती है .

रूही खान, उपसचिव.

भारत निर्वाचन आयोग निर्वाचन सदन, अशोक रोड, नई दिल्ली-1100 01 नई दिल्ली , दिनांक 1 मई , 2015-11 वैशाख , 1937 ( शक)

अधिसूचना

सं. 82- म.प्र. - वि.स.- (02-2014 )-2015- लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 ( 1951 का 43 ) की धारा 106 के अनुसरण में भारत निर्वाचन आयोग, एतद्वारा , मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय , जबलपुर के निर्वाचन याचिका संख्या 02/2014 ( वंशमनी प्रसाद वर्मा बनाम राजेन्द्र कुमार मैश्राम ) जो कि श्री वंशमनी प्रसाद वर्मा ने श्री राजेन्द्र कुमार मैश्राम के मध्यप्रदेश के 81 - देवसर विधान सभा निर्वाचन क्षेत्र हेतु नवम्बर , 2013 में हुए निर्वाचन को चुनौती देते हुए दाखिल की थी, में दिनांक 31 मार्च 2015 को दिये गयें अधिनिर्णय/आदेश को प्रकाशित करता है.

आदेश से,

हस्ता./-- (नरेन्द्र ना. बुटोलिया ) सचिव, भारत निर्वाचन आयोग.

ELECTION COMMISSION OF INDIA Nirvachan Sadan , Ashoka Road , New Delhi- 1100 01 New Delhi , Dated 1st May , 2015-11 Vaisakha , 1937 (SAKA)

NOTIFICATION

No. 82- MP - LA- ( 02-2014) -2015 .- In pursuance of Section 106 of the Representation of the People Act , 1951 (43 of 1951 ) , the Election Commission of India hereby publishes the Judgment/ order of the High Court ofMadhya Pradesh , Jabalpur , dated 31st March 2015 in Election Petition No. 02 of 2014 (Vanshmani Prasad Verma vs. Rajendra Kumar Meshram) ) filed by Shri Vanshmani Prasad Verma Challenging the Election of Shri Rajendra Kumar Meshram from 81 - Deosar Legislative Assembly Constituency of Madhya Pradesh , held in November, 2013 .

IN THE HIGH COURT OF MADHYA PRADESH PRINCIPAL SEAT AT JABALPUR Election Petition No. 2/2014

Petitioner :

Vanshmani Prasad Verma , Son of Devmurti , Aged about 64 years , Resident of Village Tingudi , Post Tingudi , Tehsil Devsar, District Singrauli (M.P. ) Pin - 486881 .

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1540

VERSUS

Respondent 1. Rajendra Kumar Meshram , Son of Late Nathuram Meshram , Member of Legislative Assembly, Resident of B - 19 NSC Colony, Ward No. 21 , Bhagat Singh Ward Jayant , District Singrauli , (M.P. ) .

2 Returning Officer, 81 , Deosor Constituency Singrauli District Election Office ( Collectorate ) , District Singrauli , (M.P. )

ELECTION PETITION UNDER SECTION 80 & 81 OF THE REPRESENTATIVE OF PEOPLES ACT, 1951

has been made by the party in duly filled form No. A and B as required under Election Symbol ( Reservation and Allotment) Order, 1968. The aforesaid letter was filed on 8thNovember 2013 before the stipulated limitation period. Aforesaid letter was given on behalf of Indian National Congress (for short the INC ) . It is pleaded that on that date there was large crowd gathered inside the chamber of the returning officer and the petitioner was there right from 2.40 PM. It is further pleaded that earlier in the day he has also submitted his candidature form as an independent candidate . It is further pleaded that returning officer closed the door from inside at 3 PM and announced that nomination form and other relevant documents will be received from the candidates and other persons concerned who are inside the chambers before 3 PM and consequently returning officer received nomination form , authority letter and other relevant documents from the candidates till 4.30 PM . The petitioner had also submitted authorithy letter even before 3 PM .

HIGH COURT OF MADHYA PRADESH JABALPUR

Election Petition , No. 2/2014

Vanshmani Prasad Verma

Vs.

Rajendra Kumar Meshram and another

As Per G. S. Solanki , J.

Shri Arvind Shrivastava with Shri Sumit Kanojiya , Advocate for the petitioner .

Shri Saurabh Tiwari with Shri Gaurav Tiwari , Advocates for respondent No. 1 .

Judgment delivered on

JUDGMENT

(2) The scrutiny of nomination paper was conducted on 9th November 2013. The respondent filed an objection to the returning officer with the prayer for rejection of the petitioners nomination form as a candidate sponsored by the INC as the symbol alloted by the party has been submitted by him after 3 PM. The petitioner has replied the aforesaid objection with the request that he has filed the aforesaid symbol allotment authority letter within the stipulated period. It is further pleaded that the returning officer posted the hearing on objection for 11th November 2013 and after hearing the parties returning officer has rejected the nomination form of the petitioner as sponsored candidate by the INC on the ground that he submitted the symbol allotment authority letter at 4.05 PM which was after the expiry of limitation period of 3 PM of last day of filing the nomiation form. Since returning officer has made false observation in regrad to the arguments made by the petitioner, thus it is obvious that the returning officer has malafidely rejected the petitioner's nomination form as candidate sponsored by the INC under the influence and pressure of the ruling party .

(3) It is further pleaded that the petitioner's nomination form as an independent candidate has been accepted and he was forced to contest as an independent candidate and he stood Second to the returned candidate i.e. respondent No. 1 .

(4) It is further pleaded that the petitioner and one Subhash Saket raised the objection against acceptance of nomination form of respondent No. I on the ground that respondent No. I was in Government service and the order accepting his resignation has not been signed by the competent authority and secondly it was objected that caste certificate submitted by respondent No. I was not (1) The petitioner has filed this petition under Section 80 read with S.81 of the Representation of the People Act, 1951 ( for brevity 6 the Act ) , against the election of the returned chandidate viz . respondent No. 1 to 81 , Deosar Constitutency of M. P. Legislative Assembly for which elections held on 25th November 2013 and result was declared on 10th December 2013 inter alia on the grounds that the petitoner is a voter of 81, Deosar Constituency for M. P. Legislative Assembly, his name is entered in voter list in Part 21 at Sr. No. 320 . The petitioner submitted his nomination for aforesaid constituency reserved for scheduled caste ; firstly he filed his nomination for as candidate sponsored by Indian National Congress on 5th November 2013 and again filed two sets of nomination form on 8th November 2013 as an independent candidate . The petitioner has filed an authority letter in regard to allotment of symbol which भाग 1 ]

1541

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

specifiecally denied . On the basis of aforesaid reply, respondent No. 1 has prayed for dismissal of the instant election petition .

(6) On the basis of the pleadings made by the parties , the following issues were framed . The corresponding answer is noted against each one of them: -

No. (1)

Issue (2)

Finding (3)

No

( 1) Whether the returning Officer has malafidely rejected the petitioner's nomination form as the candidate sponsored by the Indian National Congress under the influence of the then ruling party ?

No valid and genuine and he does not belong to scheduled caste , therefore , his nomination form deserves to be rejected . The returning officer after hearing both the parties rejected the objection on 11th November 2013 and accepted nomination form of respondent No. 1. The petitioner again pleaded and summed up that the returning officer has wrongly rejected the petitioner's nomination form as a candidate sponsored by the INC and also wrongly accepted the nomination form of respondent No. 1 despite respondent No. 1 failed to furnish order of competent authority accepting his resignation , further failed to furnish certified copy of voter list to entitle him to contest the election from Deosar Constituency as he is a registered voter of 80 , Singrauli Constituency. Without filing certified copy of relevant part of voter list , he was not eligible to contest election from 81 , Deosar Constituency . Consequently , acceptance of nomination form of respondent No. 1 has materially affected the election results . On the basis of aforesaid pleadings and grounds the petitioner has prayed that election of respondent No. 1 be declared as null and void .

(2) Whether respondent No. 1 was in Government service at the time of acceptance of his nomination form by the returning officer?

Yes

(3 ) Whether respondent No. 2 has committed illegality in accepting the nomination form of respondent No. 1 ?

Yes he was not elegible to contest the election .

(4) Whether respondent No. 1 has failed to prove that his name was in the voter list of 80 Singrauli Constituency ? (ifso, effect).

Notproved

(5) Whether respondent No. 1 has failed to submit valid. Caste certificate for contesting the election from the constituency reserved for Scheduled cast category?

As per Para - 19.

( 6) Whether result of election of 81 Deosar Constituency was materially affected due to improper acceptance of nomination of respondent No. 1?

( 7) Relief and costs?

As per Para- 19.

REASONS FOR THE FINDINGS (5) Respondent No. 1 has denied the pleadings made by the petitioner in the election petition and submitted that he raised an objection in respect of submission of sponsored symbol presented by the petitioner at 3:00 PM on the date of nomination and further pleaded that initially petitioner has filed a nomination form as an independent candidate and subsequently submitted the letter of authority of the INC sponsored him . It is further submitted that the petitioner has submitted his nomination as an independent candidate and he has not filed the letter of authority of INC 3 O'clock . He submitted aforesaid authority at 4.05 PM which is not permissble as per rules , therefore , the nomination of the petitioner as sponsored candidate of the INC has been rightly by the returning officer . It is further submitted that the returning officer acted in accordance with law, therefore , does not come within th purview of influence and pressure . It is further pleaded that the petitioner has not specifically pleaded that as to how and by whom and where and in which manner the returning officer was influenced or was pressurized by the ruling party. It is specifically denied that the petitioner was forced to contest the election as an independent candidate . It is partly accepted that an objection was made by Subhash Saket in respect of resignation of respondent No. 1 from service and genuineness of the caste certificate , which objection was dealt with by the returning officer and was rejected . It has been specifically denied that respondent No. 1 has failed to submit order of competent authority accepting his resignation and certified copy of voter list of 80, Singrauli Constituency. It is further pleaded that the petitioner has not filed any documents in support of aforesaid contentions , therefore , same has been

(7) Issue No. 1: Petitioner Vanshmani Prasad Verma (PW- 2) has stated that he filed his nomination paper ( Ex.P- 6 ) as an authorized candidate of INC on 1542

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

5th November 2013 and he filed another nomination paper (Ex . P - 1 ) on 7th November 2013 and on 8th November 2013 at about 2:40 PM . he filed Form A and B. He has further stated that on that date , there was a crowd in the retiring room of the returning officer . At about 3:00 PM . the door of the room was bolted from inside and the returning officer took the documents from the candidates till 4:30 PM , He has further stated that on 9th November 2013 respondent No. 1 has filed an objection in regard to the fact that the petitioner has not filed Form A and B till 3:00 P.M. on 8th November 2013 , therefore his nomination paper be rejected.

(8) The said objection was decided by the returning officer vide order ( Ex.P - 11 ) on 11th November 2013 . He admitted in his cross - examination that he made an objection to the candidature of Harilal Prajapati on 9thNovember 2013 wherein he has not mentioned that he is the authorized candidate of the INC in place of Harilal . He further admitted that the returning officer has mentioned the time as 4:05 on the top From A and B but he further explained that same was wrongly mentioned by the returning officer . He further admitted that he did not write in his objection that the returning officer has malafidely entered the time as 4:05 PM .

(9) Respondent No. 1 has stated that he had filed an objection in regard to the fact that the petitioner had filed Form A and B belatedly and aforesaid objection was decided by the returning officer vide Ex . P - 11 .

(10) It reveals on persual of Ex . P- 10 that respondent No. 1 made objection in regard to the fact that petitioner has failed to file Form A and B within the stipulated time . It is further revealed from persual of Ex . P - 9 that the petitioner had expressed that he filed Form A and B before 3.00 PM and it is further mentioned that he has not filed Form A and B after 4:00 O'clock. It appears that the petitioner came to know that his nomination paper has been rejected on the ground that he has not filed Form A and B within the stipulated time i.e. before 3.00 PM . this fact further finds support from Form A and B ( Ex . P - 7 and P - 8 ) wherein the returning officer has mentioned the time as 4.05 PM on top of Form A. It is further revealed from the impugned order (Ex . P - 11 ) dated 11th November 2013 that the petitiner filed another nomination as an independent candidate on 8th November 2013 at about 2:48 PM and check list was provided to him after he filed Form A and B along with the aforesaid nomination . Certainly, this point would have been mentioned in the check list . Though it is pleaded that the returning officer has acted. malafidely but no such evidence has been adduced in regard to the fact that how

[ भाग 1 he has acted malafidely. It is also on record that the petitioner had made objection against the nomination of Harilal Prajapati but if he was an authorized candidate of INC , certainly he would have mentioned this fact in his objection . It appears that when it was found that the nomination of Harilal Prajapati was going to be rejected on the ground that on the date of nomination, he was holding the office of profit because he was working as permanent government servant , then the INC allowed the petitioner to contest as sponsored candidate of the party and thereafter he belatedly filed Form A and B before the returning officer. Since the petitioner has not produced the returning officer to establish his case that he filed Form A and B before 3 O'clock on 8th Novemebr 2013 , in these circumstances , it is presumed that the returning officer performed his official duty properly and regularly and made endorsement on Form A and B (Ex . P- 7 and P- 8 ) , thus the petitioner has filed to prove that he has filed the nomination form within the stipulated period i.e. on or before 3 O'clock on 8th November 2013 .

In view of the aforesaid disucssion , issue No. 1 is answered as negative .

(11) Issue No. 2 : Petitioner Vanshmani Prasad Verma (PW- 2) has stated that he made objection ( PW - 2 ) against the nomination of respondent No. 1 that he has not filed valid acceptance of his resignation by the authority concerned . Respondent No. 1 has stated that he resigned from the post of Chief Pharmacist , Northern Coal Fields Limited, Nehru Shatabdi Hospital , Jayant , District Singrauli . He specifically denied that his resignation was not accepted from the aforesaid post of Chief Pharmacist . He stated that he filed relevant letter ( Ex . P- 12) before the returning officer .

(12) It revals from a bare persual of order ( Ex . P - 12 ) that the this official order was issued by Staff Officer (Karmik ) NSC , Jayant , District Singrauli on the letter- head of Northern Coal Fields Limited , Nehru Shatabdi Hospital , Jayant as to the effect that resignation of respondent No. I has been accepted by the competent Officer and he has been relieved from the service of . Chief Pharmacist w.e.f. 6th November 2013 and his name has been deleted from the Roll of the Company . It is further mentioned that this order has been issued after getting approval of the competent officer, which shows that the resignation of respondent No. I was duly accepted by the competent authority of Nehru Shatabdi Hospital, Northern Coalfields Limited , therefore , the order ( Ex . P- 5) passed by the returning officer on 11th November 2013 as to the effect that the resignation of respondent मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग. 1 ]

No. 1 has been accepted by the competent authority, does not suffer with any infirmity or illegality. In these circumstances , issue No. 2 is answered as negative .

(13) Issue No. 5 : Though the petitioner has pleaded that respondent No. 1 has failed to submit valid caste certificate before the returning officer that he belongs to the scheduled caste category but in his statement nothing has been stated by the petitioner in regard to the aforesaid pleading . Further , it reveals that such objection has been made by one Subhash Saket but the petitioner has not adduced Subhash Saket in his evidence . Thus , the petitioner has failed to prove that respondent No. 1 has not filed the valid caste certificate before the returning officer . Consequently, issue No. 5 is answered as not proved.

(14) Issue Nos . 3 and 4: The petitioner has pleaded that respondent No. I has failed to file certified copy of the voter list to entitle him to contest the election from 81 Deosar Constituency to show that he is a registered voter of 80 , Singrauli Constituency and without filing the certified copy of relevant part of the voter list , he was not eligible to contest the election from 81 , Deosar Constituency. In reply , respondent No. 1 has pleaded that the petitioner has not filed any document in this regard , therefore , the aforesaid pleading is denied . Petitioner Vanshmani Prasad Verma ( PW - 2 ) has stated that at the time of making objection he stated that name of respondent No. 1 Rejendra Kumar Meshram is not registered in 81 , Deosar Legislative Assembly Constituency . His name is entered in the voter list on 80 , Singrauli Constituency but he has not filed the copy of the electoral roll . Respondent No. 1 Rejendra Kumar Meshram has stated that his name has found place in the voter list of Singrauli Constituency at Sr. No. 433. He has further stated that this fact has been mentioned by him in his nomination paper ( Ex.P - 2 ) . Не denied the suggestion of the Petitioner that he has not filed the certified copy of the electoral roll before the returning officer.

( 15) It reveals on critical analysis of statement of respondent No. 1 that he only stated that his name has found place in Sr. No. 433 of voter list of 80 , Singrauli Constituency and he mentioned this fact in his nomination paper. It is true that this fact has found place in the nomination paper, however , he has not stated that he had filed the certified copy of the aforesaid electoral roll before the returning officer . Mere mentioning of aforesaid fact in nomination form would not amount to compliance of mandatory provision of Section 33 ( 5 ) of the Act of 1951. Thus it is proved on record that

1543 respondent No. I had not filed the certified copy of the electoral roll of 80 , Singrauli Constituency . As per Section 33 ( 5 ) of the Act of 1951 , respondent No. I was duty bound to file copy of the electoral roll of 80 , Singrauli Constituency or relevant part thereof or certified copy of relevant entries of such roll at the time of filling nomination paper . It is further provided in Rule 36 ( 7 ) of the Act of 1951 that for the purpose of this Section, certified copy of entries in the electoral roll for the time being in force of the Constituency shall be conclusive evidence of the Act that person referred to in that entry is an elector for the Constituency . It means respondent No. 1 was having two opportunities ; first at the time of filing nomination paper and secondly at the time of screening he could have filed the certified copy of electoral roll of 80 , Singrauli Constituency.

(16) Learned counsel for the petitioner has submitted that the returning officer has committed illegality in not rejecting the nomination paper of respondent No. 1 on the ground that he has not complied with the provision of Section 33 (5 ) of the Act of 1951. He has placed reliance on Shri Baru Ram Vs. Smt. Prasanni and others - AIR 1959 SC 93 and Birad Mal Singhvi Vs. Anand Purohit - AIR 1988 SC 1796. The Apex Court in both the aforesaid cases has specifically held that "where the statute requires specific fact to be proved in specific way and it also provides for the consequences of non- compliance with the said requirement , it would be difficult to resist the application of penalty clause on the ground that such an application is based on technical approach. " .

(17) In the light of the aforesaid principal when I assessed the facts and evidence of the instant case , I found that the petitioner came with a specifie pleading that respondent No. 1 has failed to file certified copy of the voter list of 80 , Singrauli Constituency where his name was alleged to have been registered . In reply , respondent No. I has not come up with the case that he has filed the aforesaid cerfified copy of the voter list of80 , Singrauli Constituency. On the contrary, he pleaded that since the petitioner has not filed any document in this regard , therefore, the aforesaid pleading is, denied . Primarily, this denial is not a specific denial and secondly . at the time of evidence also , respondent No. I has not stated in affirmative manner that he filed the certified copy of the aforesaid voter list before the returning officer . He only stated that his name has found place in 80, Singrauli Constituency at Serial No. 433. It means he has 1544

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

not complied with the provision of Section 33 ( 5 ) of the Act of 1951. The Apex Court in Birad Mal Singhvị Vs. Anand Purohit ( supra) has observed thus :-

Non -compliance with Section 33( 5 ) is fatal to the nomination and no other mode is prescribed by the Act for proving the eligibility of the candidate . Section 33 ( 5 ) prescribes a particular mode to prove eligibility of a candidate to contest election and S. 36 (2 ) ( b ) provides penal consequences . Therefore S. 33 (5 ) is mandatory in nature . An elector of a different constituency is under a mandatory duty to prove his eligibility in the manner prescribed by S. 33(5) of the Act and if he fails to do that , he must suffer the consequences contemplated by S. 36 (2) ( b ) of the Act . The returning officer is under no legal obligation to make amends for the omission of a candidate , especially when the omission relates to a mandatory requirement (18) In the instant case , the onus was on respondent No. 1 to prove that he has filed the certified copy of electoral roll of 80 , Singrauli Constituency before the returning officer but he has failed to prove the aforesaid fact . In these circumstances , in my opinion , respondent No. I was not qualified to contest the election from 81 , Deosar Constituency on the date of filing the nomination for the election of aforesaid Constituency and the returning officer has committed illegality in accepting the nomination paper of respondent No. 1 and also in not rejecting his nomination paper due to non - compliance of Sections 33 ( 5 ) and 36 (2 ) ( b ) of the Act of 1951. Thus , issue Nos . 3 and 4 are answered in affirmative , as a consequence thereof , the election of respondent No. 1 is liable to be set aside .

(19) Issue Nos . 6 and 7 : Since respondent No. 1 has not filed the certified copy of the voter list of 80, Singrauli Constituency in which his name was registered as an elector and thereby he has not complied with the mandatory provisions of Section 33 ( 5 ) and 36 ( 2 ) ( b ) of the Act of 1951 , therefore , he was not eligible to be chosen to fill the seat of 81 Singrauli Constituency. In other words , he was disqualified to be chosen to fill the seat under the Act of 1951. Thus , this case is covered under Section 100 ( 1 ) ( a ) along with Section 100 ( 1 ) ( d) ( i ) of the Act of 1951. Since respondent No. I was not eligible to contest the election from 81 , Deosar Constituency of M. P. Legislative Constituency, therefore , now it is not necessary to consider whether the election

[ भाग 1 of respondent No. I has been materially affected due to improper acceptance of nomination paper of respondent No. 1. The petitioner has succeeded in proving that respondent No. 1 has failed to comply with the mandatory provision of Sections 33 ( 5 ) and 36 ( 2 ) ( b ) of the Act of 1951 .

(20) Resultantly , the election petition is allowed . The election of respondent No. 1 from 81 , Deosar Constituency is hereby declared as null and void.

Respondent No. 1 to bear his own cost and cost of the peritioner. Advocates ' fee as per schedule , if certified.

The office is directed to send a certified copy of this judgement to the Election Commission of Madhya Pradesh and the Speaker of State Legislative Assembly within a week .

Sd./- (G. S. SOLANKI ) Judge.

भोपाल , दिनांक 23 मई 2015

फा. क्र. 07-2014- चार- 3919.- भारत निर्वाचन आयोग की अधिसूचना क्रमांक 82/ MP- LA ( 07-2014 ) -2015 , दिनांक 1 मई 2015 सर्वसाधारण की जानकारी के लिये प्रकाशित की जाती है.

एस. एस. बंसल, सचिव.

भारत निर्वाचन आयोग

निर्वाचन सदन, अशोक रोड, नई दिल्ली -110001 नई दिल्ली, दिनांक 1 मई , 2015-11 वैशाख , 1937 ( शक) अधिसूचना

सं. 82 -म.प्र. - वि.स.- ( 07-2014 )-2015- लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 ( 1951 का 43 ) की धारा 106 के अनुसरण में, भारत निर्वाचन आयोग, एतद्वारा , मध्यप्रदेश, उच्च न्यायालय , जबलपुर के निर्वाचन याचिका संख्या 02/2014 ( हरीलाल प्रजापति बनाम राजेन्द्र कुमार ) जो कि श्री हरीलाल प्रजापति ने श्री राजेन्द्र कुमार के मध्यप्रदेश के 81 - देवसर विधान सभा निर्वाचन क्षेत्र हेतु नवम्बर , 2013 में हुए निर्वाचन को चुनौती देते हुए दाखिल की थी, में दिनांक 31 मार्च 2015 को दिये गये अधिनिर्णय/आदेश को प्रकाशित करता है.

आदेश से हस्ता./- (नरेन्द्र ना. बुटोलिया) सचिव, भाग 1 ]

1545

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भारत निर्वाचन आयोग.

ELECTION COMMISSION OF INDIA Nirvachan Sadan , Ashoka Road , New Delhi - 110 001 New Delhi , Dated 1st May , 2015-11 - Vaisakha ,

1937 ( SAKA)

NOTIFICATION

No. 82- MP - LA- ( 07-2014) -2015 .-In pursuance of Section 106 of the Representation of the People Act , 1951 (43 of 1951 ) , the Election Commission of India hereby publishes the Judgment/order of the High Court of Madhya Pradesh , Jabalpur, dated 31st March 2015 in Election Petition No. 07 of 2014 ( Harilal Prajapati vs. Rajendra Kumar ) filed by Shri Hirilal Prajapati challenging the Election of Shri Rajendra Kumar from 81- Deosar Legislative Assembly Constituency of Madhya Pradesh , held in November, 2013 .

IN THE HIGH COURT OF MADHYA PRADESH PRINCIPAL SEAT AT JABALPUR Election Petition No.7 of 2014

Petitioner :

Harilal Prajapati aged 47 years , s / o Shri Ram Kisun Prajapati , r / o Village Kanai , Post Bargawan , Tahsil Deosar, District Singrauli (MP) .

Versus

Respondent:

Rajendra Kumar s/ o Nathulal , r/ o B - 19 , NSC Colony , Jayant , District Singrauli (MP) .

ELECTION PETITION UNDER SECTION 80 & 81 OF THE REPRESENTATION OF THE PEOPLE ACT, 1951

The petitioner, named above respectfully submits as under :-

FACTS : -

1. The petitioner is a citizen of India . He is registered as elector in the voter list of Deosar Legislative Constituency No. 81 in District Singrauli and his name finds mention at serial No. 114 in Part-43 of 81 Deosar Legislative Assembly Constituency in District Singrauli .

2 The petitioner was appointed as a Medical Officer on contract basis by order dt . 4-9-2002 issued by the Commissioner Health Services Govt . of M.P. Satpura Bhawan , Bhopal and he was posted in Primary Health Centre Bindul , District Sidhi , A Photocopy of the order dt . 4-9- 2002 is annexed herewith as ANNEXURE P/ 1 .

HIGH COURT OF MADHYA PRADESH JABALPUR Election Petition No.7/2014

Harilal Prajapati

Vs.

Rajendra Kumar

As Per G. S. Solanki, J.

Shri Sanjay K. Agrawal with Shri Ashish Giri , Advocates for the petitioner.

Shri Saurabh Tiwari with Shri Gaurav Tiwari and Shri Manish Kumar Meshra , Advocates for the respondent Judgment delivered on 31-3-2015

JUDGMENT

(1) The petitioner has filed this petition under Section 80 read with S.81 of The Representation of the People Act, 1951 ( hereinafter referred to as the Act of 1951 ) , against the election of the returned candidate viz . respondent to 81 , Deosar Constituency of M.P. Legislative Assembly for which elections was held on 25th November 2013 and result was declared on 10th December 2013 inter- alia on the grounds that the petitioner is a voter of 81 , Deosar Constituency for M.P. Legislative Assembly, his name is entered in voter list or Deosar Legislative Constituency No. 81 , his name finds place at Serial No. 114 in Part 43 in District Singrauli .

(2) It is pleaded that the petitioner was appointed as Medical Officer on contractual basis by order dated 4-9- 2002 issued by the Commissioner of Health Service , Govt . of M.P. Bhopal . He was posted at Primary Health Center, Bindul , District Sidhi . Clause 13 of the aforesaid order specifically stipulates that either party can terminate the contractual appointment at any time by giving one month's notice or one month's contractual salary in lieu of notice. The petitioner was Regularized as Asst . Surgeon Class II vide order dated 4-4-2008 passed by the State Government . Department of Health . The Services of the petitioner were regularized in accordance with the provision ofMedical Cadre Service Regularization Rules, 2005 as amended on 4th January 2007. In pursuance of aforesaid order of regularization , he was posted at District मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1546

Hospital Waidhan , District Singrauli , The appointment and condition of service of Asst . Surgeon are governed by M.P. Health ( Gazetted ) Service Recruitment Rules , 1967 wherein Rule 19 provides that every person directly recruited to the service shall be appointed on probation for a period of two years , therefore , the petitioner was appointed on probation , though same was not specifically mentioned in the order of regularization dated 4-4-2008 . The petitioner further pleaded that till date neither order of confirmation has been issued nor has the certificate of satisfactory completion of probation been issued , therefore , the petitioner continued to be a temproray employee of the State Government , Rule 12 of M.P. Govt . Servant (Temporary and Quasi permanent ) Service Rules , 1960 Provides that the temporary Government servant may terminate his service at any time by giving in writing a notice to the appointing authority. Proviso to Rule 12 further stipulates that the service of temporary govt . servant may be terminated forthwith by giving him one month's salary.

(3) Since the petitioner was desirous of contesting election to State Legislative Assembly he submitted his resignation to the State Government on 1st November 2013. In the letter of resignation , it was specifically stated that the petitioner is resigning from his post with immediate effect. Said resignation letter was sent to the State Govt . through CMHO , Waidhan , District Singrauli , Receipt whereof was acknowledged, Since the petitioner intended to retire with immediate effect , he deposited one month's salary in lieu of notice amounting to Rs . 49,483/ - on 1st November 2013 and received the receipt whereof.

(4) The resignation letter of the petitioner was forwarded by Civil Surgeon cum Chief Hospital Superintendent, District Hospital Waidhan , District Singrauli to the Principal Secretary, Govt . of M.P. Department of Public Health and Family Welfare Bhopal vide letter dated 6th November 2013. Information in regard to aforesaid resignation was also sent by aforesaid authority to the Commissioner, Health , Directorate of Health Service , Govt . of M.P. vide letter dated 6th November 2013. It is further pleaded that the resignation of the petitioner thus , came into effect w.e.f. Ist November 2013 and the petitioner ceased to be an employee of the State Government w.e.f. 1st Novermber 2013 because there was no requirement in law of acceptance of his resignation by the appointing authority.

(5) It is further pleaded that the petitioner belongs to Schedule Caste , therefore , he submitted hsi nomination

[भाग 1 form on 7th November 2013 as a candidae of Indian National Congress ( for short the INC ) . On 8th November 2013 petitioner also submitted requisite form A and B issued by the INC sponsoring him as a candidate of said political party. The nomination form of the petitioner and other candidates were scrutinized by the returning officer of 81 , Deosar, Legislative Assembly Constituency on 9th November and same was accepted and it was duly announced through public announcement system . The petitioner was present in the office of the returinng officer who made marked a tick on his nomination paper indicating the same to be legal and valid . After aforesaid procedure , on objection was raised by one Vanshmani Prasad Verma , an independent candidate that the petitioner is not qualified to contest the election from 81 , Deosar , Legislative Assembly Constituency because he is employed as Asst . Surgeon in the Department of Public Health and Family Welfare , The objection was raised firstly on the ground that the petitioner has submitted his nomination form while continuing in the government service without resigning from the said post and further a criminal case has been registered against him , therefore, he is not eligible to contest the election and , therefore , prayer was made that nomination form of the petitioner be rejected .

(6) The returinng officer took cognizance of the aforesaid objection and asked the petitioner to file reply of the same . The petitioner had sought time to file reply. Accordingly, the scrutiny of the nomination was deferred for 11th November 2013. In reply the petitioner specifically pleaded tha the tendered his resignation from the post of Asst . Surgeon on Ist November 2013 with immediate effect and the said letter of resignation was duly communicated to the appointing authoeiry. It was further pointed out that the petitioner has also deposited one month' salary in lieu of the notice , therefore , he was ceased to be a government servant on 1st November 2013 and was eligible to contest the election of State Legislative Assembly .

(7) Despite the ground taken in the reply , the returning officer rejected the nomination form of the petitioner vide order dated 11th November 2013 on the ground that petitioner is not qualified to contest the election as he holds the office of profit under the State Government . The petitioner made a representation against the order of the returning officer to the Chief election Officer , M.P. and Chief Election Commissioner , Election Commission of India .

(8) Since no action was taken on the representation of the petitioner, he filed a writ petition No. 20225/2013 1547

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

before the High Court of M.P. which was disposed of with liberty to the petitioner to pursue his representation before the Election Commission of India , hence the petitioner has filed the instant election petition on the ground under Section 100 ( 1 ) ( c ) of the Act of 1951 inter alia on the ground that the returning officer failed to appreciate that the petitioner was a temporary government servant and he had resigned from the govt . service on 1st November 2013 with immediate effect after depositing one month's salary in lieu of notice . It is further pleaded that there was no such stipulation of acceptance of resignation by the appointing authority in his appointment order, therefore , the order passed by the returning officer is illegal and liable to be set aside , therefore , prayer has been made to declare the election of the respondent from 81 , Deosar Constituency as null and void under Section 100 ( 1 ) ( c ) of the Act of 1951

(9) Exept the admitted facts of pleading of Paragraph Nos . 1 and 2 , the respondent has denied the contentions of Paragraphs 3 to 14 which are the pleadings in regard to the service conditions of the petitioner. It is further denied that initially the nomination form of the petitioner was accepted by the returning offcer , Thouth it is admitted that one Vansmani Prasad Verma raised an objection about the validity of election nomination of the petitioner and the petitioner has not impleaded Vanshmani Prasad Verma and the returning officer as parties in the instant petition , hence contents of Paragraph Nos . 17 , 18 , 19, 20, 21 , 22 , 23, 24 are specifically denied . He further made objection in regard to the non- compliance of Section 81 (3 ) of the Act of 1951 in regard to the affidavit . filed along with the election petition . on the basis of aforesaid denial and pleadings , the repondent has prayed for dismissal of the election petition .

(10) On the basis of the pleadings made by the parties , the follwing issues were framed . The corresponding answer is noted against each one of them :-

Issue

No

Finding.

No ( 1 ) Whether the petitioner ceased to be an employee of the State Government with effect from 1-11-2013 and consequently he was not holding any office of profit under the State Government on the date of submission of his nomination ?

Redundant (2) Whether the result of the election , insofar as it concerns

the returned candidate (respondent ) , has been materially affected ?

No (3) Whether nomination of the petitioner has been improperly rejected ? Effect?

NotProved (4) Whether there is any non- compliance of Section 81 (3 ) of the Representation of the People Act ? Effect ?

(5) Relief and costs ?

The petition is dismissed . The petitioner to bear his own cost and costof the respondent .

REASONS FOR THE FINDINGS ( 11 ) Issue Nos . 1 & 3 : Petitioner Harilal Prajapati has stated that initially he was appointed as the Medical officer on contractual basis vide order dated 4th September 2002 and posted at Primary Health Center , Bindul , District Sidhi vide Ex . P - 1 , thereafter he was regularized as Asst . Surgeon Class II vide order dated 4- 4-2008 (Ex P - 2 ) . He further stated that till the date of tendering his resignation , he was not confirmed on the post of Assistant Surgeon . On 1st January 2013 he tendered his resignation from the post of Assistant Surgeon and sent his resignation letter to Chief Medical and Health Officer, Waidhan , District Singraouli and received the acknowledment of aforesaid resignation (Ex- P-3) . He has further stated that he did not given one month's notice to the Government but he deposited one month's salary vide receipt ( Ex P -4 ) . His resignation letter was forwarded to the Principal Secretary, Government ofM.P. , Public Health and Family Welfare Department , Bhopal vide (Ex - P - 5 ) and information ( Ex P - 6 ) thereof was sent to him , thereafter4 he filed nomination paper for contesting the election of 81 , Deosar Legislative Constituency on 7th November 2013. It is further stated that on 9th November 2013 initally the returning officer found his nomination form in conformity with the rules and marked a tick on his nomination paper thereafter one Vanshmani Prasad Verma raised on objection in regard to the fact that the petitioner has filed the nomination paper withour resigning from the government service . The returning officer, after hearing both the parties , has illegally rejected the nomination paper of the petitioner on 11th November 2013 ,. He has admitted in his cross - examination that intially he was appointed on contractual basis for a period of two years , thereafter his services were regularized on 4th April 2008. He further 1548

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

admitted that in order ( Ex P - 2) dated 4-4-2008 , it has not been specifically mentioned that he was appointed on probation . he further admitted that he received a copy of order dated 5-8-2014 ( Ex D - 1 ) by which he has been suspended.

(12) Dr. Suresh Kumar Salam (PW - 2 ) has supported the statement of the petitioner and stated that the petitioner had tendered his resignation on 1st January 2013 and deposited one month's salary i.e. a sum of Rs . 49,483-/ He further stated that the resignation of the petitioner was forwarded to the Principal Secretary, Government of M. P. Public health and Family Welfare Department, He admitted in his cross - examination that he received a letter on 2nd July 2014 from Directoreate of Health Services that regsignation of the petitioner has been rejected on 10th June 2014. He further admitted that the petitioner is still in government service .

(13) In the instant election petition , the main question , which arises for consideration is whether on the date of tendering the resignation , the petitioner was a temporary employee or a permanent employee of Government of M. P.

(14) Learned counsel for the petitioner has sumittted that the petitioner was a temporary government servant and his services were governed by M. P. (Tempoary and Quasi Permanent ) Service Rules , 1960 .

(15) On the contary, learned counsel appearing for the respondent has submitted that since the petitioner was regularized vide order dated 4th April 2008 , therefore hs was a permanent government employee of Government of M. P. and acceptance of his resignation form the government service was necessary before filling the nomination paper.

(16) To appreciate the rival contentions of the parties , it is necessary to consider and interpret the language of appointment orders ( Ex . P- 1 and P - 2 ) of the petitioner . From a bare perusal or order ( Ex . P - 1 ) dated 4th September 2002 , it reveals that the petitioner was appointed on contractual basis under the provisions of M. P. Public Health and Family Welfare Medical Cadre Contractual Services ( Recruitment and Service Conditions) Rules , 2002 ( hereinafter referred to as the

[ भाग 1 Rules of 2002 ) wherein it is provided that these contractual services can be terminated by any of the parties by tendering one month's notice or one month's pay in lieu of notice . Further the services of the petitioner were regularzied vide order (Ex.P - 2 ) dated 4th April 2008 under the provision of M. P. Public Health and Family Welfare Medical Cadre Regularization of Contractual Appointment Rules , 2005 (hereinafter referred to as the Rules of 2005 ) as amended on 4th January 2007, Rule of the Rules of 2005 provides that the selection list preparation after screening and the appointments made from such selection list shall be treated as selected list appointment made under the recruitment ruels , As per Section 2 ( f) , recruitment rules means the M. P. Publice Health and Family Welfare ( Gazetted ) Service Recuitment Rules , 1988. It is further stipulated in rule 7 of the Rules of 2005 that the appointing authority shall make regular appointment from the selection list .

(17) It is apparent from the perusal of aforesaid rules that by making the regular appointment under the Rules of 2005 , the Government has appointed the petitioner has a regular employee of Governemnt of M. P. on the postAssistant Surgeon Class II . It is further revealed from order dated 4th April 2008 of regularization that a certificate is also mentioned in regard to the fact that in this appointment the provision of M. P. Public Service Reservation for SC / ST and other Backward Classes Act , 1994, which shows that it was regular appointment of the petitioner .

( 18 ) M. P. Public Health and Family Welfare (Gazetted ) Service Recuitment Rules , 1988 has been repealed by M. P. Public Service and Family Welfare (Gazetted ) Service Regularization Rules 2007 ( hereinafter referred to as the Rules of 2007 ) , It is provied under Section 24 that the order made or action under the Rules so repealed shall be deemed to have been made or taken under the corresponding provisions of these rules . Rules of 2007 provides two types of procedures of appointment ; first direct recruitmentby selection and second appointment by promotion . Section 13 of the aforesaid rules stipulates that every person directly recruited to the service shall be appoined for on probation for a period 1549 भाग 1 ]

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

of 2 years but there is no such provision in regard to the person who has been appointed by way of promotion . Certainly, the petitioner was not directly recruited but he was appointed as promoted from the contractual service after consideration by the screening committee made under the aforesaid rules .

on the date of filing the nomination , the petitioner was holding the office of profit under the State Government , In other words , the petitioner was not ceased to be an employee of State Government . In view of the aforesaid discussion , the findings of Issue Nos . 1 and 3 are recorded in negative .

(20) Issue No. 2. Since the sole case rests on the ground under Section 100 ( 1 ) ( c ) of the Representation of the Pepole Act, 1951 wherein it is not necessary to prove that the result of the election insofar as it relates to the returned candidate , has been materially affeted , in these circumstances , issue No. 2 has become redundant .

( 19) Learned counsel appering for the petitioner has vehemently argued that the petitioner was a temporary employee of government of M.P.; therefoe , there was no need of order of acceptance of his resignation . Counsel has placed reliance on a decision of Apex Court in Sitaram Jivyabhai vs Ramjibhai Petiyabhai Mahala & Ors - AIR 1987 SC 1293 .

(21 ) Issue No. 4. Though it is pleaded that there is non - compliance of Section 81 ( 3 ) of the Representation of the People Act but nothing has been brought to the notice of this Court as to how the respondent has not comlied wtih the provisions of Section 81 (3 ) of the Representation of the People Act . In these circumstances , finding of issue No. 4 is not proved .

(22) Issue No. 5. In view of the aforesaid discussion , the petitioner has failed to prove that on the date of filing the nomination paper he was not holding any office ofprofit under the State Government and the nomination paper of the petitioner has been improperly rejected by the returning officer . Thus I do not find any ground to make interference in this election petition . The election petition is laible to be dismissed , same is hereby dismissed .

The petitioner to bear his own cost and cost of the respondent .

Advocates fee as per schedule , if certified.

The office is directed to send a certified copy of this judgment to the Election Commission and the Speaker of State Legislative Assembly within a week .

It is clear from orders ( Ex . P - 1 and P -2 ) that the petitioner was a permanent employee of Government of M. P. Initially be has appointed on contractural basis thereafter his services were regularized under the provisions of the Rules of 2005 and the same is govened by the Rules of 2007 , hence the principle laid down in Sitaram Jivyabhai Gavali ( supra ) are not applicable to the case of the petitioner. Further the petitioner himself has admitted that he has been suspended by the Government of M. P. vide orde ( Ex . D - 1 ) dated 5th Augest 2014 this fact is supported by the statment of Dr. Suresh Kumar Salam (PW- 2) , who has stated that the petitioner is still in government service . In these circumstances , though the petitioner tendered his resignation on 1st January 2013 and deposited one month's salary , still he is in service of Government of M.P. pursuant to his appointment as regular ( permanent ) government employee vide order dated 4th April 2008 , consequently he ceased to be a temporary government servant . Thus , the order (Ex- P - 14) passed by the retuerning officer on 11th Novemeber 2013 rejecting the nomination of the petitioner cannot be said to be illegal because the facts as mentioned and discussed hereinabvoe show that the petitioner was a permanent government servant on the date of filing the nomination paper . Still his resignation has not been accepted by the Government of M. P. and mere tendering the resignation from the govenment service is not sufficient . Thus it is proved on record that

Sd./- G. S. SOLANKI . Judge.

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1550

न्यायालय, उपायुक्त ( राजस्व ) , संभाग शहडोल एवं सक्षम प्राधिकारी मध्यप्रदेश भूमिगत पाइपलाइन केबल एवं डक्ट ( भूमि की उपयोक्ता के अधिकारों का अर्जन ) अधिनियम, 2012 , जिला शहडोल ( म.प्र. )

प्ररूप - घ

(नियम 6 देखिए)

शहडोल, दिनांक 26 मई 2015

प्रकरण क्रमांक-27 / बी.-121 / 2013-14

अतएव मध्यप्रदेश भूमिगत पाइलाइन , केबल एवं डक्ट (भूमि की उपयोक्ता के आधिकारों का अर्जन ) अधिनियम 2012 (क्रमांक 5 सन् 2013 ) (जिसे इसमें इसके पश्चात उक्त अधिनियम के नाम से निर्दिष्ट किया गया है) की धारा 3 की उपधारा (1 ) के अधीन जारी सक्षम प्राधिकारी की अधिसूचना दिनांक 11.04.2014 द्वारा राज्य सरकार ने मेसर्स रिलायंस इन्डस्ट्रीज लिमिटेड द्वारा मीथेन गैस परिवहन परियोजना के लिये ग्राम अकला, तहसील गोहपारू जिला शहडोल से ग्राम देवरी तहसील गोहपारू जिला शहडोल के लिये परिवहन हेतु भूमिगत पाइप लाइन, केबल एवं डक्ट को बिछाने के प्रयोजन हेतु अधिसूचना को संलग्न अनुसूची में विनिर्दिष्ट भूमि में उपयोक्ता के अधिकार के अर्जन की इस आशय की घोषणा की है ।

और वह अधिसूचना राजपत्र में दिनांक 15.08.2014 को प्रकाशित की गई तथा कलेक्टर, सक्षम प्राधिकारी , तहसीलदार कार्यालय को नोटिस बोर्ड के साथ ग्राम पंचायत एवं संबधित ग्राम के लोक समागम स्थल पर अधिसूचना चस्पा कर इसकी सूचना भूमिस्वामी / अधिभोगी को भी दी गई है ।

अतएव उक्त अधिनियम की धारा 4 की उपधारा (1 ) द्वारा पाइप लाइन बिछाने के लिये भूमि में उपयोग का अधिकर सभी विल्लंगमों से मुक्त होकर राज्य सरकार में निहित होगा ।

अनुसूची

खसरा कमाक

तहसील

जिला

ग्राम / पटवारी हल्का कमांक

उपयोग के अधिकार के लिये अर्जित की जाने वाली भूमि (हैक्टयर में)

5

4

3

2

1

0.040

72/1, 72/2

शहडोल

गोहपारू

अकला / गुढ़ा 56

0.106

71

0.035

70

0.127

78/1, 78/2

0.026

79/1, 79/2

0.171

83/1, 83/2

0.197

87/1, 87/2

0.169

92/1, 92/2

0.151

97

0.047

103

0.001

102 1551

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

शहडोल गोहपारू

114/1 , 114/2

अकला / गुढ़ा 56

381/1 , 381/2

380

379

378

377

368

369

370

354

352

346

347

235

232

231

230

229

246/1, 246/2

263

262

261

260

259

258

285

256

218

211

212/1 , 212/2 , 212/3

213

214

216

217

392/1/क ,392 /1 / ख , 392/2

396/1, 396/2

397

400/1, 400/2

395

394/1, 394/2

393/1, 393/2

323

324

325

326/1, 326/2

383/1, 383/2

374 0.087

0.001

0.059

0.089

0.191

0.038

0.021

0.027

0.047

0.156

0.131

0.051

0.031

0.004

0.088

0.049

0.091

0.072

0.012

0.015

0.043

0.076

0.017

0.059

0.110

0.076

0.142

0.067

0.039

0.156

0.028

0.070

0.065

0.031

0.081

0.035

0.001

0.001

0.062

0.089

0.014

0.018

0.005

0.093

0.188

0.019

0.061 [भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1552

0.017 शहडोल

382/1, 382/2

गोहपारू

अकला / गुढ़ा 56

373

0.001

375

0.010

0.087

376

0.607

145/1/क , 145 /1 / ख , 145 / 1 /ग, 145/2, 145/3

0.186

151/1/क, 151 / 1 / ख, 151 / 2 / क , 151/ 2/ ख , 151 / 2 / ग

0.055

152

0.062

153

0.006

157

156

0.052

0.080

160

161

0.025

0.068

162

0.369

164/1/ख , 164/2

0.006

163

0.136

199

200

0.076

0.749

348/1, 348/2 , 348/4 , 348/5

0.082

228

0.055

460

0.095

459/1, 459/2

461

0.037

0.061

718/2, 718/3 , 718/4

प्ररूप - घ

प्रकरण कमांक- 24 / बी.-121 / 2013-14 ( नियम 6 देखिये)

अतएव मध्यप्रदेश भूमिगत पाइलाइन , केबल एवं डक्ट (भूमि की उपयोक्ता के आधिकारों का अर्जन) अधिनियम 2012 (क्रमांक 5 सन् 2013) (जिसे इसमें इसके पश्चात उक्त अधिनियम के नाम से निर्दिष्ट किया गया है) की धारा 3 की उपधारा (1 ) के अधीन जारी सक्षम प्राधिकारी की अधिसूचना दिनांक 31.07.2014 द्वारा राज्य सरकार ने मेसर्स रिलायंस इन्डस्ट्रीज लिमिटेड द्वारा मीथेन गैस परिवहन परियोजना के लिये ग्राम धनगंवा, पटवारी हल्का धनगंवा 04 तहसील गोहपारू जिला शहडोल से ग्राम देवरी तहसील गोहपारू जिला शहडोल के लिये परिवहन हेतु भूमिगत पाइप लाइन , केबल एवं डक्ट को बिछाने के प्रयोजन हेतु अधिसूचना को संलग्न अनुसूची में विनिर्दिष्ट भूमि में उपयोक्ता के अधिकार के अर्जन की इस आशय की घोषणा की है ।

और वह अधिसूचना राजपत्र में दिनांक 15.08.2014 को प्रकाशित की गई तथा कलेक्टर , सक्षम प्राधिकारी , तहसीलदार कार्यालय को नोटिस बोर्ड के साथ ग्राम पंचायत एवं संबधित ग्राम के लोक समागम स्थल पर अधिसूचना चस्पा कर इसकी सूचना भूमिस्वामी / अधिभोगी को भी दी गई है । 1553

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

अतएव उक्त अधिनियम की धारा 4 की उपधारा (1 ) द्वारा पाइप लाइन बिछाने के लिये भूमि में उपयोग का अधिकर सभी विल्लंगमों से मुक्त होकर राज्य सरकार में निहित होगा ।

अनुसूची

जिला तहसील

खसरा कमाक

ग्राम / पटवारी हल्का क्रमांक

उपयोग के अधिकार के लिये अर्जित की जाने वाली भूमि (हैक्टयर में)

5 1

4

2

3

0.052

9

शहडोल गोहपारू

धनगंवा 04

0.048

8

0.052

10/1 , 10/2 , 10/3

0.024

11

0.007

7

0.143

13/1, 13/2

0.114

12/1, 12/2

0.029

93/1/क , 93/1 /ख, 93/2 , 93/3

0.189

94/1/क , 94/1 /ख , 94/2, 94/3

0.064

97/1/क , 97/1 /ख , 97/2 , 97/3

0.085

96/1, 96/2

0.136

121/1 क, 121/1 ख, 121/2 , 121/3

गोहपारू

धनगंवा 04

शहडोल

0.002

95

0.024

123

0.079

124

0.053

125

0.050

126

0.048

168

0.167

167

0.036

166/1 , 166/2

0.077

174

0.123

175

0.030

163

0.186

161

0.228

241

0.040

233

240

0.029

0.003

234/1, 234/2

0.136

160

0.001

159/1 , 159/2

0.179

158/1 , 158/2 , 158/3 , 158/4

157

0.048

0.102

154

0.040

246 [ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1554

254/1 , 254/2

255

363/1 , 363/2 , 363/3

362/1, 362/2

365/1, 365/2

361/1 , 361/2

366/2, 366/1/ क , 366/1 /ख

359

356

355/1 , 355/2 , 355/3

354

351/1 , 351/2

350/1, 350/2

347/1, 347/2

345

344

341

342

337

335

333

334

332/1, 332/2

327

धनगंवा 04

शहडोल गोहपारू

328

325

329

330

411

412

709/1 , 709/2 , 709/3 , 709/4,

709/5

710/1 , 710/2 , 710/3 , 710/4 ,

710/5

732

731

734/1, 734/2

736

738

739

741

742/1 , 742/2, 742/3 , 742/4 ,

742/5, 742/6

1431/1 , 1431/2 , 1431/3

1430/1, 1430/2 , 1430/3

1410/1 , 1410/2 0.087

0.147

0.038

0.093

0.120

0.003

0.019

0.043

0.045

0.098

0.003

0.160

0.044

0.099

0.016

0.020

0.064

0.063

0.047

0.043

0.063

0.020

0.014

0.063

0.050

0.001

0.008

0.106

0.131

0.054

0.027

0.346

0.175

0.060

0.004

0.057

0.188

0.070

0.124

0.459

0.031

0.010

0.107 1555

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

1411

1412

1408

1413

1402

1130/1 , 1130/2 , 1130/3

1129

1127/1 , 1127/2, 1127/3

1128

1123

1508/1 , 1508/2 , 1508/3 , 1.508/4

1122

1509

1511/1 , 1511/2, 1511/3, 1511/4, 1511/5, 1511/6 , 1511/7

1512/1 , 1512/2 , 1512/3 , 1512/4, 1512/5 , 1512/6 , 1512/7 , 1512/8 , 1512/9, 1512/10 , 1512/11

1513/1, 1513/2 , 1513/3 गोहपारू

धनगंवा 04

शहडोल

1514/1 , 1514/2 , 1514/3/क , 1514/3/ख , 1514/4/क , 1514/4/ख, 1514/4/ग , 1514/4/घ, 1514/5, 1514/6, 1514/7 , 1514/8 , 1514/9 , 1514/10, 1514/11 क, 1514/11 ख

1527/1 , 1527/2 , 1527/3 , 1527/4, 1527/5/क , 1527/ 5/ख

1530/1, 1530/2

1539

1531

1542

1541

1543

870

871/1, 871/2

868

867

866

865

864

862

1785

1786/1 , 1786/2

1792 0.019

0.166

0.015

0.041

0.123

0.133

0.051

0.211

0.014

0.010

0.186

0.087

0.635

0.708

0.603

0.808

0.058

0.419

0.056

0.259

0.063

0.035

0.001

0.063

0.087

0.001

0.083

0.069

0.022

0.020

0.016

0.229

0.016

0.330

0.002 [भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1556

1791/1, 1791/2

1789

1790

1770/1 , 1770/2

1769

1803/1 , 1803/2 , 1803/3

1800

1802/1 , 1802/2

1801/1 , 1801/2

1815

1816/1 , 1816/2 , 1816/3 , 1816/4 , 1816/5 , 1816/6 , 1816/7

1818/1 , 1818/2 , 1818/3

1820/1 , 1820/2

1819

1821

1830/1 , 1830/2/क , 1830/ 2/ख

1831/1, 1831/2

1832

1833/1 , 1833/2 , 1833/3

1848

धनगंवा 04

शहडोल

1843/1 , 1843/2 गोहपारू

1844

1846

1847

664

795

665

666

794

793/1, 793/2

796/1

790

789

788

786/1 , 786/2

1824

1822

1691/1, 1691/2 , 1691/3 , 1691/4,

1691/5

1691/1856

1699/1/क, 1699 /1 /ख, 1699/ 1 / ग , 1699 / 1 / घ, 1699/1 / ड. , 1699 / 1 / च, 1699/ 1/ छ , 1699/2 , 1699/3 0.013

0.158

0.185

0.419

0.019

0.038

0.057

0.410

0.003

0.035

0.152

0.095

0.875

0.001

0.031

0.332

0.316

0.255

0.001

0.080

0.301

0.023

0.065

0.002

0.042

0.137

0.134

0.093

0.082

0.049

0.109

0.002

0.245

0.053

0.188

0.103

0.008

0.252

0.006

0.040 1557

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

0.085

1701/1/ क, 1701/1 /ख, 1701/ 1 / ग , 1701/1/ घ, 1701/1/3 , 1701/1 / च , 1701/2, 1701/3

0.047

1610

0.076

1608

0.066

1609

0.075

1614

0.070

1615

0.046

1604/1, 1604/2

0.136

1603

0.072

1623/1, 1623/2

0.088

1599/1, 1599/2

0.136

1598

0.079

1595

0.043

1596

0.048

1597

0.062

1584

0.055

1752

0.015

1753

0.556

1771/1 , 1771/2 , 1771/3

0.004

1583

धनगंवा 04

गोहपारू

शहडोल

0.116

1772

0.099

1788

0.356

1876

0.123

1878

0.109

1880

0.155

1881

0.099

1884

0.011

1885

0.118

1894

0.004

1895

0.248

1893

0.006

1889/1 , 1889/2 , 1889/3 , 1889/4

0.028

1892

0.165

1890

0.009

1908

0.498

1888/1 , 1888/2

0.048

1909

0.400

2023

0.229

2024

0.700

2026/1 , 2026/2

0.272

2027

0.145

2028/1, 2028/2

0.200

2017/1 , 2017/2 , 2017/3

0.224

2035

0.051

2034

0.025

2034/2077

0.020

2036

0.463

2037/1 , 2037/2 , 2037/3 , 2037/4

0.017

2049/1, 2049/2

0.052

2048

0.365

2047

0.003

2046

0.118

2051/1, 2051/2

0.368

2052/1, 2052/2/क , 2052/2 /ख,

0.170

2053/1, 2053/2

0.464

2056

0.279

2061/1, 2061/2

0.843

2060/1, 2060/2

एफ. आर. पण्डा, सक्षम प्राधिकारी उपायुक्त ( राजस्व).

1558

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

राज्य शासन के आदेश

राजस्व विभाग

कार्यालय , कलेक्टर, जिला दमोह , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग

दमोह, दिनांक 16 अप्रैल 2015

प्रकरण क्र. अ- 82 - वर्ष 2014-15 - भू-अर्जन तेंदुखेड़ा- 2015-2180.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 2013 ( क्रमांक एक, सन् 2013 ) की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार उसके द्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन , इसके द्वारा, अनुसूची के खाने (5 ) में उल्लिखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 4 की उपधारा ( 2 ) द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है : -

भूमि का वर्णन

ग्राम

तहसील

(3)

क्षेत्रफल (हेक्टेयर में ) (4)

0.180 (2) जबेरा

जिला का नाम (1) दमोह

( 1 ) कलेहराखेड़ा

0.050

(2 ) देवतरा सिंगोरगढ़

0.050

(3) सिंग्रामपुर

योग 0.28

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन

धारा (4 ) की उपधारा ( 2 ) के द्वारा प्राधिकृत अधिकारी

(5) संभागीय प्रबंधक, म. प्र . रोड़ डेव्लपमेंट कार्पोरेशन लिमिटेड,

(6) दमोह - जबलपुर ( राज्य राज मार्ग क्र. - 37 ) के अंतर्गत बस ले-बाय का निर्माण.

जबलपुर.

भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी एवं भू- अर्जन अधिकारी तेंदुखेड़ा एवं संभागीय प्रबंधक, म. प्र. रोड डेव्लपमेंट कार्पोरेशन लिमिटेड, जबलपुर के कार्यालय में देखा जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, स्वतंत्र कुमार सिंह , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय , प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना, जिला रीवा , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग

रीवा , दिनांक 27 मई 2015

प. क्र. 0- प्रशा.- भू- अर्जन 2015-16.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4) में अर्जित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 11 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है. चूंकि बहुती मुख्य नहर में आने वाले अधिकांश भाग के भू-अर्जन की कार्यवाही पूर्व में की जा चुकी है एवं कुछ अंश भाग के भू-अर्जन की कार्यवाही वांछित है. इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है:-

भूमि का वर्णन ग्राम

तहसील

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में )

(4) 0.400

(3) दादर 264

(1) रीवा

(2) गुढ़

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन

(6) बहुती मुख्य नहर के निर्माण कार्य हेतु.

धारा 11 के द्वारा प्राधिकृत अधिकृत अधिकारी (5) कार्यपालन यंत्री , क्योटी, नहर संभाग जिला रीवा (म. प्र.) .

1559

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

प. क्र. 1362 - प्रशा.- भू-अर्जन- 2015-16.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4) में अर्जित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 11 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है. चूंकि बहुती मुख्य नहर में आने वाले अधिकांश भाग के भू-अर्जन की कार्यवाही पूर्व में की जा चुकी है एवं कुछ अंश भाग के भू-अर्जन की कार्यवाही वांछित है. इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है:-

भूमि का विवरण

तहसील

ग्राम

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)

(4) 1.000

(3) भोथी

(2) मनगवां

(1) रीवा

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन

धारा 11 के द्वारा प्राधिकृत अधिकृत अधिकारी

(6) बहुती मुख्य नहर के निर्माण कार्य हेतु.

(5) कार्यपालन यंत्री, क्योटी , नहर संभाग जिला रीवा (म. प्र. ) .

प. क्र. 1364- प्रशा. - भू-अर्जन-2015-16. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4) में अर्जित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 11 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है. चूंकि बहुती मुख्य नहर में आने वाले अधिकांश भाग के भू-अर्जन की कार्यवाही पूर्व में की जा चुकी है एवं कुछ अंश भाग के भू- अर्जन की कार्यवाही वांछित है. इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है:-

भूमि का विवरण

ग्राम

तहसील

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में) (4) 3.000

(3) सेमरिया

(2) अमरपाटन

(1) सतना

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन

धारा 11 के द्वारा प्राधिकृत अधिकृत अधिकारी

(6) बहुती नहर के बेला वितरक निर्माण कार्य हेतु.

(5) कार्यपालन यंत्री , क्योटी, नहर संभाग जिला रीवा (म. प्र.).

प. क्र. 1366- प्रशा.- भू-अर्जन- 2015-16.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4) में अर्जित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है . अतः भूमि अर्जन पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 11 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है . चूंकि बहुती मुख्य नहर में आने वाले अधिकांश भाग के भू- अर्जन की कार्यवाही पूर्व में की जा चुकी है एवं कुछ अंश भाग के भू- अर्जन की कार्यवाही वांछित है . इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है:-

भूमि का विवरण ग्राम

तहसील

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में )

(4) 0.100

(3) महगना

(1) रीवा

(2) रायपुर कर्चुलियान

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 11 के द्वारा प्राधिकृत अधिकृत अधिकारी

(5) कार्यपालन यंत्री , क्योटी , नहर संभाग जिला रीवा ( म. प्र. ) .

(6) बहुती मुख्य नहर के निर्माण कार्य हेतु.

1560

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

प. क्र. 1368 - प्रशा.- भू-अर्जन- 2015-16. चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4) में अर्जित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमिं के संबंध में उक्त धारा 11 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है . चूंकि बहुती मुख्य नहर में आने वाले अधिकांश भाग के भू-अर्जन की कार्यवाही पूर्व में की जा चुकी है एवं कुछ अंश भाग के भू-अर्जन की कार्यवाही वांछित है. इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है:-

भूमिः का विवरण

तहसील

ग्राम

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में )

(4) 0.200 (2) मनगवां

(1) रीवा

(3) उलही कला 53

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन

धारा 11 के द्वारा प्राधिकृत अधिकृत अधिकारी

(6)

(5) कार्यपालन यंत्री, क्योटी, नहर संभाग जिला रीवा (म. प्र. ) .

बहुती मुख्य नहर के निर्माण कार्य हेतु.

प. क्र. 1370 - प्रशा . - भू-अर्जन- 2015-16.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4) में अर्जित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 11 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है . चूंकि बहुती मुख्य नहर में आने वाले अधिकांश भाग के भू- अर्जन की कार्यवाही पूर्व में की जा चुकी है एवं कुछ अंश भाग के भू- अर्जन की कार्यवाही वांछित है. इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है:-

भूमि का विवरण

ग्राम

जिला तहसील

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में )

(4) (2)

(1)

0.200

(3) नर्रहा

रीवा

गुढ़

310

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 11 के द्वारा प्राधिकृत अधिकृत अधिकारी

(6)

बहुती मुख्य नहर के निर्माण कार्य

हेतु.

(5) कार्यपालन यंत्री, क्योटी , नहर संभाग जिला रीवा ( म. प्र. ) .

प. क्र. 1372 - प्रशा.- भू-अर्जन-2015-16.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इसमें संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4) में अर्जित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 11 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत करता है. चूंकि बहुती मुख्य नहर में आने वाले अधिकांश भाग के भू- अर्जन की कार्यवाही पूर्व में की जा चुकी है एवं कुछ अंश भाग के भू-अर्जन की कार्यवाही वांछित है . इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है:-

भूमि का विवरण

ग्राम

तहसील

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में ) (4)

0.500

(3) बेला

(1) रीवा

(2) गुढ़

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 11 के द्वारा प्राधिकृत अधिकृत अधिकारी

(5) कार्यपालन यंत्री , क्योटी , नहर संभाग जिला रीवा ( म. प्र. ) .

(6) बहुती मुख्य नहर के निर्माण कार्य हेतु.

1561

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

रीवा, दिनांक 27 मई 2015

पत्र क्र. 1527 - प्रका.- भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इस संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इसके द्वारा , इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा, अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता हूं. चूंकि त्योंथर बहाव सिंचाई योजना की मुख्य नहर माईनर / सबमाईनर का निर्माण कार्य पूर्व से चल रहा है तथा अधिकांश भूमि का अर्जन पूर्व में किया जा चुका है और इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत् सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है :-

भूमि का विवरण

ग्राम

तहसील

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में )

(4)

(3)

(1)

(2)

0.600 त्योंथर

रीवा

बराबड़ा

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी

(6)

(5)

त्योंथर उद्वहन सिंचाई योजना नहर निर्माण एवं उस पर अर्जित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

कार्यपालन यंत्री, त्योंथर नहर संभाग , सिरमौर , जिला रीवा (म.प्र.) .

पत्र क्र. 1529- प्रका. - भू- अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इस संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इसके द्वारा, इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता हूं. चूंकि त्योंथर बहाव सिंचाई योजना की मुख्य नहर माईनर / सबमाईनर का निर्माण कार्य पूर्व से चल रहा है तथा अधिकांश भूमि का अर्जन पूर्व में किया जा चुका है और इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत् सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है :-

भूमि का विवरण

ग्राम

तहसील

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)

(4)

(3)

(1)

(2)

0.200 रीवा त्योंथर शिवपुरवा

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी

(6)

(5)

त्योंथर उद्वहन सिंचाई योजना नहर निर्माण एवं उस पर अर्जित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

कार्यपालन यंत्री, त्योंथर नहर संभाग , सिरमौर , जिला रीवा (म.प्र.) .

पत्रःक्र. 1531 - प्रका. भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इस संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने [भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1562

की संभावना है. अतः भूमि अर्जन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इसके द्वारा, इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता हूं. चूंकि त्योंथर बहाव सिंचाई योजना की मुख्य नहर माईनर / सबमाईनर का निर्माण कार्य पूर्व से चल रहा है तथा अधिकांश भूमि का अर्जन पूर्व में किया जा चुका है और इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत् सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है :-

अनुसूची

भूमि का विवरण

ग्राम

तहसील

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)

(4)

(3)

(2)

(1)

2.200 त्योंथर

रीवा

पड़री

सार्वजनिक प्रयोजन धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी

(6)

(5)

त्योंथर उद्वहन सिंचाई योजना नहर निर्माण एवं उस पर अर्जित सम्पत्ति के अर्जन हेतु...

कार्यपालन यंत्री, त्योंथर नहर संभाग, सिरमौर, जिला रीवा (म.प्र.).

पत्र क्र. 1533 - प्रका.- भू-अर्जन-2015.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इस संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इसके द्वारा , इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन , इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता हूं. चूंकि त्योंथर बहाव सिंचाई योजना की मुख्य नहर माईनर / सबमाईनर का निर्माण कार्य पूर्व से चल रहा है तथा अधिकांश भूमि का अर्जन पूर्व में किया जा चुका है और इस कारण धारा 11 (3 ) के तहत् सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है : -

भूमि का विवरण

ग्राम

तहसील

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)

(4)

(3)

(2)

(1)

4.000 त्योंथर

रीवा

बड़ागांव

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी

(6)

(5)

त्योंथर उद्वहन सिंचाई योजना नहर निर्माण एवं उस पर अर्जित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

कार्यपालन यंत्री, त्योंथर नहर संभाग , सिरमौर , जिला रीवा (म.प्र.).

प. क्र. 1535 - प्रशा.- भू-अर्जन- 2015-16.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इस संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में उक्त धारा 11 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत 1563

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

करता है . चूंकि बहुती मुख्य नहर में आने वाले अधिकांश भाग के भू-अर्जन की कार्यवाही पूर्व में की जा चुकी है एवं कुछ अंश भाग के भू- अर्जन की कार्यवाही वांछित है. इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत् सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है :-

भूमि का विवरण

नगर/ग्राम

तहसील

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में)

(4)

(3)

(1)

(2)

0.500

बरसैता देश

रीवा

गुढ़

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन

धारा 11 के द्वारा प्राधिकृत अधिकृत अधिकारी

(6)

(5)

बहुती मुख्य नहर के निर्माण कार्य हेतु.

कार्यपालन यंत्री, क्योटी नहर संभाग , जिला रीवा ( म.प्र. ) .

रीवा, दिनांक 30 मई 2015

क्र. 1580 - प्रशा . - भू-अर्जन- 2015.-चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इस संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से ( 4 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के खाने ( 6 ) में उसके नीचे दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़नें की संभावना है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इसके द्वारा , इस आशय की सूचना दी जाती है. राज्य शासन, इसके द्वारा , अनुसूची के खाने ( 5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में धारा 12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता हूं. चूंकि क्योटी मुख्य नहर के ग्राम पैपखरा , तहसील रायपुर कर्चुलियान, जिला रीवा का निर्माण पूर्व से चल रहा है तथा अधिकांश भूमि का अर्जन पूर्व में किया जा चुका है और इस कारण धारा 11 ( 3 ) के तहत् सामाजिक समाधान निर्धारण रिपोर्ट का सार प्रकाशित नहीं किया जा रहा है : -

भूमि का विवरण

ग्राम

तहसील

जिला

लगभग क्षेत्रफल (हेक्टर में )

(4)

(3)

(2)

(1)

0.049 रीवा

384 पैपखरा

रायपुर कर्चुलियान

अनुसूची

सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन धारा 12 की धारा द्वारा प्राधिकृत अधिकारी

(6)

(5)

कार्यपालन यंत्री, क्योटी नहर संभाग , रीवा ( म.प्र. ).

क्योटी मुख्य नहर के ग्राम पैपखरा की 0.049 हे. रकबे में आने वाली भूमि के लिये तथा उस पर स्थित सम्पत्तियों का अर्जन.

भूमि का नक्शा ( प्लान ) का अवलोकन प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास एवं पदेन उपसचिव राजस्व विभाग , जिला रीवा के कार्यालय में किसी भी कार्यालयीन अवधि में किया जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, आर. डी. एस. अग्निवंशी, प्रशासक एवं पदेन उपसचिव.

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1564

राज्य शासन के आदेश

कार्यालय , कलेक्टर , जिला पन्ना, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग पन्ना, दिनांक 15 मई 2015

प्र. क्र. 026- अ- 82-वर्ष 2013-2014.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) में बर्णित भूमि की अनुसूची के खाने ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम, 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- पन्ना

(ख) तहसील- पवई

(ग ) ग्राम-अमुआं

(घ ) लगभग क्षेत्रफल-5.10 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर कुल अर्जित रकबा (हेक्टेयर में)

भूमि का प्रकार (3)

(2)

(1)

0.45

निजी भूमि 2

0.15

निजी भूमि 3

0.17

निजी भूमि 4

0.03

5

निजी भूमि

0.02

6

निजी भूमि

0.03

निजी भूमि 23/515

0.73

निजी भूमि 24

0.02

25

निजी भूमि

0.03

26

निजी भूमि

0.54

निजी भूमि 27

0.04

313

निजी भूमि

0.47

निजी भूमि 314

0.34

315

निजी भूमि

0.11

327

निजी भूमि

0.01

निजी भूमि 329

0.02

निजी भूमि 325

0.16

343

निजी भूमि

0.23

344

निजी भूमि

0.28

निजी भूमि 345

0.17

निजी भूमि 346

(3)

(2)

(1)

0.06

निजी भूमि 347

0.12

निजी भूमि 348

0.12

निजी भूमि 349

0.22

350

निजी भूमि

0.13

351

निजी भूमि

0.05

352

निजी भूमि

0.15

निजी भूमि 353

0.10

354

निजी भूमि

0.02

निजी भूमि 355

0.01

निजी भूमि 356

0.12

निजी भूमि 357

कुल रकबा निजी भूमि : 5.10

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- पवई मध्यम सिंचाई परियोजना के अन्तर्गत दांई तट नहर निर्माण कार्य निर्माण हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी , पवई के न्यायालय में किया जा सकता है.

प्र. क्र. 015 - अ-82- वर्ष 2013-2014.- चूंकि, राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) में वर्णित भूमि की अनुसूची के खाने ( 2 ) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन अधिनियम , 1894 (क्रमांक एक, सन् 1894 ) की धारा 6 के अंतर्गत, यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- पन्ना

(ख) तहसील - पवई

(ग) ग्राम- सिमरा बहादुर

(घ ) लगभग क्षेत्रफल-25.44 हेक्टेयर .

खसरा नम्बर

भूमि का प्रकार

कुल अर्जित रकबा (हेक्टेयर में)

(3)

(2)

(1)

0.14

निजी भूमि 479

0.06

483/1

निजी भूमि

0.06

483/2

निजी भूमि

0.12

निजी भूमि 477/1

0.36

477/2

निजी भूमि 1565

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

(3)

(2)

(1)

0.36

477/3

निजी भूमि

0.25

निजी भूमि 475/1

0.28

475/2

निजी भूमि

0.38

474

निजी भूमि

0.12

473/1

निजी भूमि

0.12

निजी भूमि 470/1

0.03

470/2

निजी भूमि

0.38

469/1

निजी भूमि

0.38

469/2

निजी भूमि 468/1

0.01

निजी भूमि

0.01

निजी भूमि 468/2

0.01

468/3

निजी भूमि

0.01

468/4

निजी भूमि

0.11

निजी भूमि 465/1

0.10

निजी भूमि 465/2

0.11

465/3

निजी भूमि

0.11

465/4

निजी भूमि

0.43

निजी भूमि 463

0.78

निजी भूमि 458

0.20

456

निजी भूमि

0.15-

निजी भूमि 450

0.72

निजी भूमि 449

0.48

437/1

निजी भूमि

0.48

437/2

निजी भूमि

0.48

437/3

निजी भूमि

0.34

439

निजी भूमि

0.41

435/2

निजी भूमि

0.03

निजी भूमि 432

0.06

निजी भूमि 429

0.01

430

निजी भूमि

0.50

431

निजी भूमि

0.03

निजी भूमि 94

0.10

93/1

निजी भूमि

0.16

93/2

निजी भूमि

0.16

93/3

निजी भूमि

0.07

निजी भूमि 99

0.06

निजी भूमि 100/2

0.70

निजी भूमि 91

0.85

87

निजी भूमि

0.01

85

निजी भूमि

1.00

39

निजी भूमि

0.10

निजी भूमि 38

0.05

23

निजी भूमि

0.48

22

निजी भूमि

2.00

निजी भूमि 21

0.70

निजी भूमि 15

0.03

निजी भूमि 16

0.19

3

निजी भूमि

(3)

(2)

(1)

563/20

0.17

निजी भूमि

0.62

निजी भूमि 20

0.01

19

निजी भूमि

0.42

निजी भूमि 26

0.48

27

निजी भूमि

0.02

28

निजी भूमि

0.11

निजी भूमि 29

0.28

निजी भूमि 31

0.04

निजी भूमि 32

निजी भूमि

0.05

33

0.74

52

निजी भूमि

0.14

निजी भूमि 53

0.08

62

निजी भूमि

0.91

63

निजी भूमि

0.02

निजी भूमि 59

0.54

निजी भूमि 66

0.03

67

निजी भूमि

0.87

निजी भूमि 68

0.70

40

निजी भूमि

0.90

निजी भूमि 41

0.05

37/1

निजी भूमि

0.08

37/2

निजी भूमि

0.07

24

निजी भूमि

0.70

65

निजी भूमि

0.01

440/1

निजी भूमि

0.01

निजी भूमि 440/2

0.03

440/3

निजी भूमि

0.01

निजी भूमि 428

0.02

निजी भूमि 434

0.12

459

निजी भूमि

0.03

454

निजी भूमि

0.04

417

निजी भूमि

0.10

411

निजी भूमि

0.08

412

निजी भूमि

0.01

निजी भूमि 413

0.01

410

निजी भूमि

0.03

407

निजी भूमि

0.01

406

निजी भूमि

0.12

405

निजी भूमि

0.01

308

निजी भूमि

0.07

356

निजी भूमि

0.04

निजी भूमि 357

0.04

निजी भूमि 341

0.02

निजी भूमि 342

0.01

निजी भूमि 340

0.08

362

निजी भूमि

0.10

निजी भूमि 367

0.11

379

निजी भूमि [भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1566

(3)

(2)

(1)

0.09

निजी भूमि 380

0.15

निजी भूमि 383

0.01

391

निजी भूमि

0.15

113

निजी भूमि

0.05

112

निजी भूमि 118

0.18

निजी भूमि

0.13

निजी भूमि 108

0.09

105

निजी भूमि

0.15

25

निजी भूमि

0.02

35

निजी भूमि

0.01

107

निजी भूमि

25.44

कुल रकबा निजी भूमि :

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- पवई मध्यम सिंचाई परियोजना के अन्तर्गत दांई एवं बांई तट नहर निर्माण कार्य निर्माण हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व ) एवं भू-अर्जन अधिकारी, पवई के न्यायालय में किया जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, शिव नारायण सिंह चौहान, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय , कलेक्टर, जिला बड़वानी , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग बड़वानी , दिनांक 20 मई 2015

संशोधित

क्र. 600- भू-अर्जन- 2015.- कार्यालय कलेक्टर, बड़वानी , जिला- बड़वानी की उद्घोषणा क्रमांक 2245- भू-अर्जन- नहर-2013, बड़वानी, दिनांक 01-10-2013 , प्रकरण क्रमांक 75-अ- 82-2012-13 ग्राम- छापरी ( तहसील- अंजड़ ) , जिला- बड़वानी के संदर्भ में:-

संशोधित प्रविष्ठि पूर्व में प्रकाशित प्रविष्ठि

उद्घोषणा

अधिग्रहित

सर्वे

अधिग्रहित

सर्वे

क्षेत्रफल

नंबर

क्षेत्रफल

नंबर

का सरल क्रमांक

(हेक्टर में )

(हेक्टर में)

(2)

(1)

(2)

(3)

(1)

0.490

3/1 पैकि

0.490

3/4पैकि

04

0.235

35/3 पैकि

0.235

35/4 पैकि

22

0.048

332/6 पैकि

0.048

332/3 पैकि

140

0.081

332/3 पैकि

0.081

332/5 पैकि

142

उपरोक्त सर्वे नं. की प्रविष्ठि संशोधित होगी, क्षेत्रफल में कोई परिवर्तन नहीं होगा एवं शेष सर्वे नंबर तथा अधिग्रहित क्षेत्रफल, जो पूर्व में प्रकाशित हुए हैं, यथावत् रहेंगे.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , रवीन्द्र सिंह , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय, प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, जिला रीवा, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग रीवा , दिनांक 22 मई 2015

पत्र क्र. 1338 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वासन और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख) तहसील- हुजूर

(ग ) ग्राम- गोविन्दगढ़ 173

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 3.253हेक्टेयर .

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में)

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.494

1635/1 , 1635/2

0.131

1636/1 , 1636/2

0.071

1634

0.128

1630

0.608

1624/1 , 1624/2

0.256

1617/1 , 1617/2

0.257

1619

अ. निजी पट्टे की भूमि का योग . 1.945

बम. प्र. शासन की भूमि

0.229

1598

0.085

1620

0.323

1618

0.506

1662

0.051

1596

0.004

1544

0.028

1597

0.066

1650

0.015

1279

0.001

1661

1.308

म. प्र. शासन की भूमि का योग ..

अब का योग : 3.253 1567

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बहुती मुख्य नहर के अन्तर्गत बेला वितरक " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1340- प्रका. भू-अर्जन- 2014-2015.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वासन और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- सतना

(ख) तहसील- अमरपाटन

(ग ) ग्राम-कोरिगवां

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 5.406 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में) (2)

(1)

अ-निजी पट्टे की भूमि

0.138

853/1 , 853/2 , 853/3

0.148

854

0.130

856/1 , 856/2

0.165

868/1 , 868/2

866/1 /क, 866/1/ख , 866/2 0.011

0.119

867/1 , 867/2 , 867/3

0.189

876/1 , 876/2 , 876/3

0.002

882/1, 882/2

0.071

880/1 , 880/2

0.085

881/1 , 881/2

0.212

893

0.001

894

0.049

892

0.073

891

0.485

890/1 , 890/2 ,

890/3 , 890/4

0.073

889

0.130

817/1 , 817/2

0.077

818/1 , 818/2

0.008

819

0.152

821

0.002

822

(2)

(1)

0.096

430/1, 430/2

0.107

429/1 , 429/2

0.050

428

0.096

427

0.021

438

426

0.056

0.002

439

0.063

425/1 , 425/2

0.076

424

0.001

440

0.050

423

0.002

441/1, 441/2

0.063

422

0.003

442

0.002

444

0.035

421

0.334

296/1

0.020

295

0.299

294/1 , 294/2

0.026

304/1 , 304/2 , 304/3

0.020

305

0.218

308

0.099

307

0.032

252/1 , 252/2 , 252/3

253 , 253/1 , 253/2 , 253/3 0.082

0.043

255

254/1 , 254/1/क,

0.218

254/1 /ख , 254/2

254/2/क , 254/2/ख

249/1 /क, 249/ 1 /ख , 249/2 0.066

0.075

248/1 , 248/2

0.107

239/1 , 239/2

0.087

238/1 , 238/2

0.101

240/1 , 240/2 , 240/2/क,

240/2/ख , 240/2 /ग

241/1/क , 241/ 1 /ख , 241/2 0.005

0.120

237

0.181

235/1 , 235/2

0.018

236/1 , 236/2

0.075

234

0.011

229

0.005

233

5.285

अ. निजी पट्टे की भूमि का योग

ब- म. प्र. शासन की भूमि

0.043

853/1224

0.078

332

0.121

म. प्र. शासन की भूमि का योग

अब का योग : 5.406 [ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1568

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बहुती मुख्य नहर के अन्तर्गत बेला वितरक " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1342- प्रका. - भू-अर्जन-2014-2015.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वास और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क ) जिला- सतना

(ख ) तहसील- अमरपाटन

(ग) ग्राम- करही लामी

(घ ) लगभग क्षेत्रफल -1.194 हेक्टेयर. खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में)

अ- निजी पट्टे की भूमि

0.159

172

0.078

171

0.241

170, 168

0.189

167

0.098

160/1 , 160/2

0.005

155/1 , 155/2

0.071

156

0.068

159/1 , 159/2

0.126

158/1 , 158/2

0.078

149/1 , 149/2 , 149/3

0.005

151/1 , 151/2

0.012

148/1 , 148/2 , 148/3

0.064

150/1 , 150/2

अ. निजी पट्टे की भूमि का योग . 1.194

ब-म. प्र. शासन की भूमि

म. प्र. शासन की भूमि का योग .. 0.000 अब का योग .. 1.194

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बहुती मुख्य नहर के अन्तर्गत बेला वितरक " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(2 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1344- प्रका. भू-अर्जन- 2014-2015.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि- अर्जन पुनर्वास और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-सतना

(ख) तहसील- अमरपाटन

(ग) ग्राम-कोठार

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 2.281 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में )

(2)

(1)

अ-निजी पट्टे की भूमि

0.073

356/1 , 356/2

0.115

354/1 , 354/2

0.067

357

0.036

355

0.439

348

0.475

347

0.025

343/1 , 343/2

0.015

346/369

0.153

346

0.147

215

0.002

214

0.014

216

0.001

213

0.104

217

0.049

212/1 , 212/2/क/ 1 , 212/2/क/ 2 , 212/2/ख ,

0.016

211/1/1,211/1 / 2 , 211/2

218

0.009

0.335

220/1 , 220/2

0.027

205

0.057

206

0.082

204/1 , 204/2

2.241

अ. निजी पट्टे की भूमि का योग 1569

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

(1)

239

(2) ब- म. प्र. शासन की भूमि 0.040 म. प्र. शासन की भूमि का योग 0.040 अब का योग.. 2.281

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बहुती मुख्य नहर के अन्तर्गत बेला वितरक " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण भू-अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1346- प्रका.- भू-अर्जन- 2014-2015.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वासन और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- सतना

(ख ) तहसील- अमरपाटन

(ग ) ग्राम- वहेलिया भाट

(घ ) लगभग क्षेत्रफल -3.916 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में ) (2)

अ- निजी पट्टे की भूमि

3.873 0.043

(1) 2 1

अ. निजी पट्टे की भूमि का योग 3.916 ब- म. प्र. शासन की भूमि

म. प्र. शासन की भूमि का योग .. 0.000 अब का योग .. 3.916.

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बहुती मुख्य नहर के अन्तर्गत बेला वितरक " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , भू- अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1348- प्रका.- भू-अर्जन- 2014-2015.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वासन और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- सतना

(ख ) तहसील- अमरपाटन

(ग) ग्राम- विछिया कला

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 1.705 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में) (2)

(1)

अ- निजी पट्टे की भूमि

0.001

274/1 , 274/2

0.040

222

0.001

223

0.067

224

0.131

225

0.073

226/1 , 226/2

0.001

254

0.079

253

0.049

244

0.061

182

0.049

180

0.082

178/1 , 178/2

0.039

176/1 , 176/2

0.062

175 [भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1570

(2)

(1)

0.086

169

0.011

153/325/1 , 153/325/2

0.142

170

भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भूमि-अर्जन पुनर्वासन और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

0.214

144/1 , 144/2

0.012

145/1 , 145/2

अनुसूची

0.054

146

(1 ) भूमि का वर्णन-

0.058

147

(क) जिला- सतना

0.026

92

(ख ) तहसील - अमरपाटन

0.057

91

(ग) ग्राम-रिमार

0.049

79

(घ) लगभग क्षेत्रफल -1.783 हेक्टेयर .

0.001

56

0.022

80

खसरा नम्बर

0.002

81/1 , 81/2

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में ) 0.005

(2) 82/1 /क, 82/ 1 /ख

(1)

0.016

82/2

0.019

अ-निजी पट्टे की भूमि 53/1 , 53/2 , 53/3

0.021

83

0.230

564

0.001

52

0.152

563/1 , 563/2 , 563/3

0.032

48/1 , 48/2 , 48/3 , 48/4

0.154

562

0.022

49/1 , 49/2

0.732

559/1 , 559/2

0.017

47

0.038

44/1 , 44/2

0.159

558/1 , 558/2 , | 558/3 , 558/4 ,

0.001

46

558/5

0.024

45

0.256

569

1.665

0.052 अ. निजी पट्टे की भूमि का योग .

76/1/क, 76/1 /ख , 76/2

अ. निजी पट्टे की भूमि का योग 1.735 ब- म. प्र. शासन की भूमि

0.029

230

ब- म. प्र. शासन की भूमि 0.011

177

म. प्र. शासन की भूमि का योग 0.040 1.705 अब का योग..

0.048 0.048 1.783

599 म. प्र. शासन की भूमि का योग .. अब का योग ..

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बहुती मुख्य नहर के अन्तर्गत बेला वितरक " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बहुती मुख्य नहर के अन्तर्गत बेला वितरक " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

पत्र क्र. 1350- प्रका.- भू-अर्जन- 2014-2015.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित

पत्र क्र. 1352 - प्रका. भू-अर्जन- 2014-2015.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित 1571

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वासन और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला -रीवा

(ख ) तहसील - रायपुर कर्चुलियान

(ग ) ग्राम- पहाड़िया 367

(घ ) लगभग क्षेत्रफल - 2.912 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में ) (2)

(1)

निजी पट्टे की भूमि

0.009

262

261/1, 261/2 , 261/2,

0.269

261/3 , 261/4

0.016

118

0.077

260

0.081

117

0.123

121

0.002

116

0.029

115

0.023

69

0.013

70/1 , 70/2

0.054

71

0.080

101/1 , 101/2 , 101/3

100

0.016

0.092

99

0.020

98

0.011

74

0.205

80/1 , 80/2 , 80/3

0.015

81/1 , 81/2

0.107

83

0.082

82

0.020

181

0.071

183

0.081

184

0.011

186/1 , 186/2 , 186/3

0.030

188/1 , 188/2

0.061

190

0.024

189

0.017

193

(2)

(1)

0.045

194

0.011

195

0.038

196

0.008

192/1 , 192/2

0.059

197/1 , 197/2

0.009

198

0.309

199

0.029

3

2.147

अ. निजी पट्टे की भूमि का योग .

ब-म. प्र. शासन की भूमि

0.054

119

0.050

122

0.002

114

0.106

107

0.454

106

0.099

105

म. प्र. शासन की भूमि का योग 0.765

2.912

अब का योग ..

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बहुती मुख्य नहर के अन्तर्गत अमिलिकी वितरक " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

क्र. 1354- प्रशा.- भू-अर्जन-2015.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वासन और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- मनगवां [ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1572

(ग ) ग्राम- बुढ़वा

(घ) लगभग क्षेत्रफल -0.053 हे.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में )

(2)

(1)

अ-निजी पट्टे की भूमि

85

0.053 योग .. 0.053

ब-शासकीय भूमि

निल

निल

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " क्योटी नहर की पिपरवार वितरक की बुढ़वा सब माइनर " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

क्र. 1356 - प्रशा.- भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भूमि-अर्जन पुनर्वास और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख) तहसील- मनगवां

(ग ) ग्राम- माद नं . - 1

(घ ) लगभग क्षेत्रफल -0.065 हे.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में) (2)

(1)

अ- निजी पट्टे की भूमि

0.065

465/2

योग .. 0.065

(2)

(1)

ब-शासकीय भूमि

निल

निल

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " क्योटी नहर की पिपरवार वितरक की बुढ़वा सब माइनर " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

क्र. 1358 - प्रशा.- भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लिखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमिअर्जन पुनर्वास और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन -

(क) जिला-रीवा

(ख) तहसील- मनगवां

(ग) ग्राम- तिवनी पैपखार

( घ) लगभग क्षेत्रफल - 0.055 हे.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में ) (2)

(1)

अ- निजी पट्टे की भूमि

878

0.055 योग . 0.055

ब-शासकीय भूमि

निल

निल

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " क्योटी नहर की पिपरवार वितरक की तिवनी माइनर नं . 2 " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास , वाणसागर परियोजना रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

1573

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

रीवा , दिनांक 27 मई 2015

पत्र क्र. 1437 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद (1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील- जवा

(ग) ग्राम- बराह 352

(घ ) लगभग क्षेत्रफल - 1.953 हे.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में ) (2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.014

83

0.219

95

0.119

96

0.065

97

0.065

98

0.292

119

0.115

129

0.189

147

0.133

148

0.054

177

0.051

178

0.058

179

0.053

180

0.063

181

182

0.080

0.050

183

0.011

184

0.008

193

0.066

199

0.034

203

0.052

204

(2)

(1)

0.032

208

0.095

209

1.918

योग .

( ब ) शासकीय भूमि

0.035

131

योग .. 0.035 महायोग 1.953

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

पत्र क्र. 1439- प्रका. - भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम - झलवा पैपखार 206

(घ ) लगभग क्षेत्रफल -0.407 हे.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में)

(2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.016

236

0.020

237 [भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1574

(2)

(1)

0.122

238

0.056

239

0.158

240

0.372

योग

(ब ) शासकीय भूमि

0.035

520

योग 0.035

महायोग .. 0.407

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु .

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1441- प्रका.- भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- सेहुड़ा पवाई

(घ ) लगभग क्षेत्रफल - 1.166 हे.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में)

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.039

16

0.014

17

0.063

18

0.002

19

(2)

(1)

0.052

23

0.040

24

0.020

25

0.095

26

0.001

27

0.016

31

0.060

32

0.007

34

0.061

45

0.062

46

0.062

47

0.001

51

0.084

52

0.015

56

0.066

57

0.018

60

0.043

61

0.073

62

0.001

63

0.101

64

0.074

70

0.025

72

योग .. 1.095

( ब ) शासकीय भूमि

0.071

1

योग .. 0.071

महायोग.. 1.166

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1443- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद (1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा 1575

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(क ) जिला- रीवा

(ख) तहसील- जवा

(ख) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम - कंचनपुर पवाई-47

(ग ) ग्राम- सेहुड़ा कोठार-550

(घ) लगभग क्षेत्रफल -0.581 हे.

(घ) लगभग क्षेत्रफल -0.782 हे.

खसरा नम्बर

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में )

(2)

(1)

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में) (2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि ( अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.029

2

0.009

4

0.020

198

0.163

5

0.010

219

0.036

6

0.092

220

0.064

7

0.118

221

0.004

8

0.055

222

0.087

58

0.117

223

0.127

69

0.001

224

0.120

60

0.129

230

0.145

61

0.039

231

0.027

69

योग .. 0.581 योग .. 0.782

(ब ) शासकीय भूमि ( ब ) शासकीय भूमि

निरंक निरंक

महायोग.. 0.581 महायोग.. 0.782

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

पत्र क्र. 1447- प्रका. भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा पत्र क्र. 1445- प्रका. भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा [भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1576

घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन -

(क) जिला- रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- कंचनपुर 46

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 1.743 हे.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में ) (2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.030

3

0.026

4

0.182

6

0.040

10

0.130

11

0.034

12

0.001

15

0.183

18

0.206

108

0.002

109

123

0.173

0.052

124

0.005

126

0.004

133

0.061

136

0.175

137

0.154

138

0.018

153

154

0.053

0.060

155

0.135

157

0.001

158

योग .. 1.725

( ब ) शासकीय भूमि

0.018

111

योग .. 0.018 महायोग.. 1.743

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक , भू-अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1449 - प्रका. - भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि-अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- बरहुला गीजातर 382

(घ ) लगभग क्षेत्रफल - 1.870 हे.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में ) (2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.111

184

185

0.001

0.121

187

0.055

188

0.004

189

0.088

200

0.064

204

0.111

276

0.069

277

0.004

278

0.034

279

0.017

280

0.014

283

0.023

284

0.036

285 1577

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

(2)

(1)

0.044

286

अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

0.024

287

अनुसूची

0.071

288

0.002

309

( 1 ) भूमि का वर्णन-

0.008

402

(क) जिला-रीवा

0.112

403

(ख) तहसील- जवा

0.001

409

(ग) ग्राम- दुनगी कोठार 261

0.025

(घ) लगभग क्षेत्रफल -0.640 हे.

410

0.079

411

खसरा नम्बर

0.040

412

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में)

(2) 0.001

(1)

420

0.230

421

(अ ) निजी पट्टे की भूमि 0.001

445

0.075

38

0.067

446

0.006

39

0.056

0.036 447

40

0.196

42

0.097

452

0.027

43

0.039

453

0.011

47

योग .. 1.649

0.085

53

0.039

54

( ब ) शासकीय भूमि

0.028

55

0.021

313

56

0.001 0.014

448

0.039

60

0.176

449

0.039

69

0.010

457

0.030

83

योग .. 0.221

0.612

योग

महायोग.. 1.870

( ब ) शासकीय भूमि

0.020

59

0.008

61

योग 0.028 (2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

महायोग.. 0.640 (3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1451 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का [ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1578

अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है , कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख) तहसील- जवा

पत्र क्र. 1453 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है , कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

(ग) ग्राम-कांटी पैपखार 61

(घ) क्षेत्रफल-0.925 हेक्टेयर.

अनुसूची

अर्जित रकबा

खसरा नम्बर

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(हेक्टेयर में ) (क) जिला-रीवा

(2)

(1)

(ख ) तहसील-जवा

(ग) ग्राम- पुरवा मु . कल्याणपुर

(अ) निजी पट्टे की भूमि (घ) क्षेत्रफल-0.233 हेक्टेयर.

0.158

94

0.141 खसरा नम्बर

99

0.120 अर्जित रकबा (हेक्टेयर में )

101

0.001 (2)

125

(1)

0.006

130

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.001

131

0.024

53

0.017

132

0.085

54

0.021

133

0.097

0.125 56

135

0.013

136

0.001

58

0.050

139

योग 0.207

0.043

140

0.013

141

( ब ) शासकीय भूमि

0.070

163

0.026

55

0.047

164

योग . 0.026

0.072

165

0.016

169

महायोग . 0.233

0.087

170

0.024

171

योग. 0.925 (2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(ब ) शासकीय भूमि निरंक महायोग 0.925 ( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के नहर निर्माण " में आने वाली निजी/शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

पत्र क्र. 1455 - प्रका. - भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का 1579

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

पत्र क्र. 1457 - प्रका.- भू-अर्जन- 2015.-चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है , कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील-जवा

(ग ) ग्राम- देवरी पवाई नं. 2-268

(घ) क्षेत्रफल -1.143 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में) (2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.050

92

0.024

94

0.039

95

0.011

96

0.137

97

0.014

98

0.086

108

0.046

155

0.045

156

0.057

157

0.018

297

0.084

299

0.115

303

0.009

304

0.087

324

0.035

325

326

0.050

0.095

327

0.014

328

0.005

329

0.061

333

0.009

334

0.048

335

योग .. 1.139

(2)

(1)

( ब ) शासकीय भूमि

342

0.004 योग .. 0.004 महायोग.. 1.143

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1459- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है , कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- देवरी कोठार 267

(घ) क्षेत्रफल-0.727 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में ) (2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.010

122

0.002

124

0.059

125

0.067

126

0.014

127

0.026

128

0.134

139

0.052

140

0.020

141 [भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1580

(2)

(1)

0.014

142

0.024

143

0.033

146

0.113

147

0.048

148

0.012

149

0.019

150

0.013

151

0.067

152

योग 0.727

( ब ) शासकीय भूमि निरंक महायोग .. 0.727

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक , भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

पत्र क्र. 1461 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है , कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला - रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग) ग्राम- चौर कोठार

(घ) क्षेत्रफल-2.791 हेक्टेयर.

अर्जित रकबा खसरा नम्बर

(हेक्टेयर में)

(2)

(1)

( अ) निजी पट्टे की भूमि

0.425

16

0.072

18

(2)

(1)

0.047

21

0.016

22

0.054

23

0.077

25

0.005

26

0.048

28

0.012

29

0.001

31

0.020

152

0.001

168

0.035

169

0.127

170

0.122

172

0.071

173

0.016

203

0.087

206

0.059

207

208

0.039

0.001

210

0.083

215

0.108

216

0.122

219

0.102

234

0.016

235

0.092

319

0.085

325

0.079

326

0.108

327

0.085

338

0.049

339

0.128

340

0.070

341

0.014

345

0.038

346

0.047

347

0.085

349

0.012

350

0.037

351

योग .. 2.695

( ब ) शासकीय भूमि

0.023

151

0.062

214

0.011

1012

0.096

योग .

महायोग 2.791 1581

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1463- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है , कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- शिवपुर कोठार 536

(घ) क्षेत्रफल-2.605 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में ) (2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.012

128

0.066

130

0.090

131

0.015

133

0.030

134

0.006

136

0.028

137

0.025

523

0.127

524

0.104

528

0.082

529

0.213

532

0.058

535

0.091

536

(2)

(1)

0.051

537

0.242

728

0.031

732

0.024

733

0.108

734

0.102

743

0.084

744

0.036

745

0.014

746

0.020

752

0.020

753

0.065

780

0.087

805

0.004

806

0.026

808

0.032

819

0.064

820

0.059

821

0.052

838

0.093

839

0.044

842

0.124

848

0.013

849

योग . 2.342

(ब ) शासकीय भूमि

0.049

127

0.021

135

0.007

538

0.021

700

0.008

750

0.033

756

0.001

772

0.123

803

योग .. 0.263 महायोग .. 2.605

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1582

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1465 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है, कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग) ग्राम- नष्टगवाँ कोठार-280

(घ) क्षेत्रफल-5.343 हेक्टेयर.

खसरा नम्बर

अर्जित रकबा (हेक्टेयर में)

(2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.050

60

0.046

61

0.061

62

0.022

63

0.022

64

0.008

65

0.040

67

0.039

68

0.075

69

0.081

93

0.061

94

0.023

95

0.051

96

0.031

97

0.015

99

0.060

313

0.020

314

0.332

315

325

0.101

0.016

326

0.060

328

0.085

329

0.046

330

0.098

331

(2)

(1)

0.107

413

0.125

414

0.013

421

0.049

422

0.060

423

0.002

585

0.049

587

588

0.015

0.053

594

0.225

595

0.071

602

0.115

604

0.069

605

0.053

606

608

0.043

0.072

609

0.004

610

0.119

615

0.122

625

0.185

626

0.351

630

0.059

652

0.121

654

0.110

655

0.236

657

0.352

659

0.011

660

0.005

721

0.030

761

0.125

762

0.012

763

0.082

764

0.017

765

0.037

766

0.047

767

योग .. 4.589

( ब ) शासकीय भूमि

0.412

662

0.342

679

योग .. 0.754

महायोग.. 5.343

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है-" बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाब योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमि एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना के रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

1583

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

पत्र क्र. 1467- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील - जवा

(ग) ग्राम- पटियारी

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 1.420 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में ) (2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.013

21

0.108

23

0.009

39

0.115

40

0.160

42

0.097

52

0.006

53

0.043

58

0.060

59

0.044

70

0.119

72

0.089

73

0.088

74

0.063

77

0.009

78

0.017

83

0.012

84

0.086

85

0.141

87

0.082

93

0.059

94

योग .. 1.420

( ब ) शासकीय भूमि

निरंक

महायोग 1.420

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण" में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1469 - प्रका. - भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन -

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील - जवा

(ग) ग्राम- पिअरिया कोठार 326

(घ ) लगभग क्षेत्रफल - 3.179 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में) (2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.147

44

0.014

45

0.171

46

0.001

47

0.156

48

0.103

52

0.084

54

0.098

134

0.109

135

0.044

139

0.001

140

0.005

148

0.027

149

0.069

150

0.095

151 1584

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

(1)

(2)

0.056

152

0.013

163

0.024

164

165

0.145

0.073

193

0.001

200

0.112

202

0.100

203

0.062

204

0.001

208

0.106

209

0.308

228

0.015

263

0.124

264

0.013

265

0.022

266

0.012

272

0.280

273

0.018

289

0.066

299

0.098

304

0.077

305

0.136

306

0.084

307

योग .. 3.070

(ब ) शासकीय भूमि

41

0.009

0.036

174

194

0.064 योग 0.109 महायोग 3.179

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु .

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक , भू- अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

[ भाग 1 पत्र क्र. 1471 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख ) तहसील - जवा

(ग) ग्राम- माजन मामला 472

(घ ) लगभग क्षेत्रफल - 1.693 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.146

6

0.067

17

0.094

18

0.122

20

0.153

24

0.142

27

0.127

28

0.093

30

0.085

37

38

0.210

0.199

41

0.171

43

0.001

108

0.030

110

0.053

111

योग ..1.693

( ब ) शासकीय भूमि निरंक

महायोग 1.693

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

भाग 1 ]

1585

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

पत्र क्र. 1473 - प्रका. - भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- पतेरी पवाई 296

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 2.118 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

( अ) निजी पट्टे की भूमि

0.142

132

0.054

133

0.015

134

0.081

135

0.030

136

0.022

137

0.065

138

0.009

139

0.046

140

0.063

143

0.049

144

0.045

145

0.001

148

0.093

149

156

0.072

0.054

157

0.045

158

0.051

159

0.081

160

0.098

162

171

0.031

0.008

179

0.080

183

0.030

210

(2)

(1)

0.067

211

0.005

212

0.113

213

215

0.001

0.094

245

0.003

249

0.065

250

0.048

251

0.066

252

0.074

253

0.015

254

0.027

260

261

0.091

योग ..1.934

(ब ) शासकीय भूमि

0.078

161

0.002

164

0.104

214

योग ..0.184 महायोग .. 2.118

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

पत्र क्र. 1475 - प्रका.भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भू-अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- जवा 1586

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

(ग ) ग्राम- खम्हरिया कोठार 110

(घ ) लगभग क्षेत्रफल -0.718 हेक्टेयर.

खसरा नं .

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

( अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.155

5

0.070

8

0.001

9

0.154

10

0.068

11

0.016

20

0.035

27

0.084

28

0.103

29

0.032

30

योग .. 0.718

(ब ) शासकीय भूमि

निरंक

महायोग 0.718

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

पत्र क्र. 1477 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निज़ीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग) ग्राम-खौरा कोठार 120

(घ ) लगभग क्षेत्रफल - 2.367 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में )

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.182

6

0.160

7

0.135

20

0.158 .

21

0.022

29

0.105

30

0.132

31

0.106

33

0.175

42

0.036

43

0.260

45

0.008

55

0.172

56

0.093

57

0.045

58

0.041

59

0.163

62

0.069

64

65

0.180

0.012

66

0.055

75

योग .. 2.309

( ब ) शासकीय भूमि

76

0.058 योग .. 0.058

2.367 महायोग

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

भाग 1 ]

1587

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

पत्र क्र. 1479- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची.

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- जवा

ग ) ग्राम- चम्पागढ़ 171

(

(घ) लगभग क्षेत्रफल 3.644 हेक्टेयर .

खसरा नं .

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

33

0.171

0.063

35

38

0.036

0.090

40

0.008

41

0.168

150

154

0.116

0.019

178

179

0.088

0.070

180

0.138

331

333

0.041

334

0.065

335

0.140

355

0.023

0.040

356

371

0.007

372

0.121

0.128

373

0.108

396

0.053

397

0.010

398

(1)

(2)

0.058

399

0.069

478

0.039

479

483

0.001

0.098

849

0.037

851

853

0.068

0.048

854

873

0.005

0.135

874

0.110

875

0.049

887

888

0.031

0.020

889

890

0.059

0.041

891

0.094

892

0.067

893

0.041

894

897

0.191

0.173

898

899

0.168

0.016

850

0.128

843

0.058

844

845

0.058

0.006

846

योग .. 3.571

(ब ) शासकीय भूमि

0.058

37

325

0.011

0.004

477

योग .. 0.073

महायोग 3.644

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1588

पत्र क्र. 1481- प्रका. भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग) ग्राम- ग्राम बम्हना कोठार -366

(घ ) लगभग क्षेत्रफल - 1.588 हेक्टेयर.

खसरा नं .

अर्जित रकबा (हेक्टर में ) (2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.099

300

0.222

330

0.124

331

0.176

333

0.105

334

0.249

335

0.032

336

0.001

347

0.152

348

0.106

349

0.024

350

0.112

355

0.041

356

0.133

358

0.002

359

0.010

361

योग 1.588

( ब ) शासकीय भूमि

निरंक योग 1.588

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर . परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के टमस मुख्य नहर की माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1483 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि, सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग) ग्राम- कछिगवाँ कोठार 53

(घ ) लगभग क्षेत्रफल - 2.987 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.253

135

0.118

136

0.100

137

0.117

139

0.105

140

0.283

141

0.042

142

0.035

143

0.112

202

0.295

203

0.004

205

0.015

210

0.102

212

0.053

213

0.101

216 1589

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

(2)

(1)

0.003

अनुसूची

222

0.048

( 1 ) भूमि का वर्णन-

229

0.003

251

(क) जिला- रीवा

0.025

252

(ख ) तहसील- जवा

0.071

253

( ग) ग्राम- ओझा पुरवा कोठार 24

0.283

255

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 1.352 हेक्टेयर.

0.009

256

0.105

289

अर्जित रकबा

खसरा नं.

0.006

292

(हेक्टर में) 0.087

293

(2)

(1)

0.009

294

(अ) निजी पट्टे की भूमि 0.061

295

0.001

297

0.134

61

0.239

314

0.007

62

0.064

315

0.190

63

0.035

324

0.326

88

0.042

325

0.152

89

2.826

योग

0.275

97

0.029

98

0.135 (ब ) शासकीय भूमि

102

0.086

103

0.035

215

0.018

106

0.023

219

योग..1.352 0.103

296

( ब ) शासकीय भूमि योग .. 0.161

निरंक महायोग 2.987

निरंक

योग

1.352

महायोग

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी / शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी / शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक , भू- अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में देखा जा सकता है.

पत्र क्र. 1485 - प्रका. भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि, सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति

पत्र क्र. 1487- प्रका. भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि, सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा [भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1590

घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला -रीवा

(ख ) तहसील - त्योंथर

पत्र क्र. 1489-प्रका. भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि, सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

(ग ) ग्राम- कुठिला 68

(घ ) लगभग क्षेत्रफल -1.106 हेक्टेयर .

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन -

खसरा नं .

(क) जिला- रीवा

अर्जित रकबा (हेक्टर में )

(ख ) तहसील- जवा

(2)

(1)

(ग ) ग्राम- पथरौड़ा कोठार 311

(अ) निजी पट्टे की भूमि

(घ) लगभग क्षेत्रफल -0.752 हेक्टेयर.

0.132

181

खसरा नं.

0.029

182

अर्जित रकबा (हेक्टर में) 0.020

188

(1)

(2) 0.009

189

(अ ) निजी पट्टे की भूमि 0.168

190

0.135

191

0.003

278

0.087

192

0.030

279

0.107

193

0.131

280

0.038

210

0.179

282

0.041

211

0.074

283

0.059

212

0.091

290

0.120

213

0.096

291

0.020

214

0.125

292

0.073

216

0.002

293

219

453

0.016 योग..1.054

0.021 योग..0.752 ( ब ) शासकीय भूमि

(ब ) शासकीय भूमि 215

निरंक 0.052 योग .. 0.052 महायोग 1.106

योग निरंक महायोग 0.752 (2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

1591

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

पत्र क्र. 1491- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि, सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन -

(क ) जिला- रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- भखरवार 429

(घ) लगभग क्षेत्रफल-0.825 हेक्टेयर.

खसरा नं .

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.006

660

0.032

661

0.038

662

0.001

663

0.039

664

0.027

665

0.001

667

0.030

668

0.093

674

0.019

675

0.073

676

0.071

682

0.070

683

0.077

684

0.008

702

0.093

704

0.075

705

0.004

742

950

0.036

योग 0.793

(2)

(1)

( ब ) शासकीय भूमि

0.032

604

योग 0.032

महायोग 0.825

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण" में आने वाली निजी / शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में देखा जा सकता है.

पत्र क्र. 1493- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पदं ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि, सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू-अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील- जवा

(ग) ग्राम- टिकैतन पुरवा कोठार

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 2.946 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

( अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.099

46

0.097

47

48

0.157

0.110

49

0.070

50

0.079

51

0.001

52

0.093

97

0.052

102

0.086

103

104

0.039

0.102

105

0.004

106 1592

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

(2)

(1)

0.054

108

0.048

109

0.045

119

0.001

121

0.099

126

0.085

127

0.043

145

0.058

148

0.068

149

0.006

150

0.040

154

155

0.049

0.071

160

0.025

161

0.041

171

0.032

172

0.025

173

0.074

178

0.088

179

0.058

195

0.055

196

0.001

197

0.001

199

0.128

200

0.106

227

0.002

228

233

0.160

0.041

236

0.058

237

0.004

260

0.024

261

0.067

264

0.123

265

0.107

266

योग . .2.876

( ब ) शासकीय भूमि

0.030

153

0.40

267

0.070

योग

2.946

महायोग

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अन्तर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी / शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में देखा जा सकता है .

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , आर. डी. एस. अग्निवंशी , प्रशासक एवं पदेन उपसचिव.

कार्यालय , कलेक्टर, जिला दमोह , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग दमोह, दिनांक 7 मई 2015

क्र. क- भू-अर्जन- 2015 - रा.प्र.क्र. 2अ-82- वर्ष 2014-15.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यक्ता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता काअधिकार अधिनियम , 2013 की धारा -19 के अन्तर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजी भूमि के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-अशासकीय भूमि का अर्जन

(क) जिला - दमोह

(ख) तहसील- पथरिया

(ग ) ग्राम-खौजाखेड़ी

(घ) लगभग क्षेत्रफल - 0.55/ 1100 वर्गमीटर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (वर्ग मी. में)

अर्जित रकबा (हेक्टेयर)

(3)

(2)

(1)

300 730/1

0.06

731

0.05

732

0.05

733/1

733/41

200 733/2

100 733/3

200 734

200 735

0.09

741/3

0.26

744/2

0.04

747

100 844

1100 कुल योग .. 055

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है- बी. ओ.टी. (टोल+ एन्यूटी ) योजनान्तर्गत दमोह , पथरिया गढ़ाकोटा मार्ग का निर्माण कार्य बाबत.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व) , पथरिया एवं संभागीय प्रबंधक, म. प्र . रोड डेव्हलपमेंट कार्पोरेशन लि. सागर के कार्यालय में देखा जा सकता है.

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , स्वतंत्र कुमार सिंह , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.

1593

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

कार्यालय, प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग

रीवा , दिनांक 27 मई 2015

पत्र क्र. 1495- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील- जवा

- (ग ) ग्राम- जोड़ावरपुर कोठार 204

(घ ) क्षेत्रफल -0.310 हेक्टेयर.

अर्जित रकबा

खसरा नं .

(हेक्टर में)

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

128

0.013

0.077

132

133 0.085

134 0.057

0.057

137

0.289

योग ..

( ब ) शासकीय भूमि

0.021

146

योग 0.021

महायोग .. 0.310

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1497- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- निमिहन पुरवा 383

(घ) क्षेत्रफल -0.536 हेक्टेयर.

अर्जित रकबा

खसरा नं.

(हेक्टर में)

(2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

222 0.258

225

0.001

226 0.120

0.067

227

0.081

228

0.527

योग ..

( ब ) शासकीय भूमि

237 0.009

योग .. 0.009

महायोग .. 0.536

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक , भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1499- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है :-

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1594

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- भण्डारिन पुरवा 419

(घ) क्षेत्रफल -0.272 हेक्टेयर .

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.080

2

0.029

3

0.024

7

8

0.111

0.025

10

0.269

योग ..

( ब ) शासकीय भूमि

0.003

1

0.003

योग ..

0.272

महायोग

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1501- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/ शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- चौखण्डी = 187

(घ ) क्षेत्रफल -5.259 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में )

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.111

218

219

0.003

0.204

221

0.001

222

0.054

223

0.069

224

0.139

246

0.020

247

0.040

248

0.140

249

0.003

250

0.148

273

0.001

276

0.218

277

0.053

278

0.151

288

0.034

289

0.001

290

0.001

292

0.014

303

0.032

305

0.231

312

0.080

313

0.012

312/1396

0.056

340

0.024

341

0.176

342

0.136

350

0.112

351

0.016

352

0.144

353

0.040

355

0.030

549

0.069

550

0.069

551

0.055

767

0.138

758

0.041

761

0.125

786 1595

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

(2) (1)

0.009 787

0.171 788

0.023 789

0.112 792

0.189 793

0.086 794

0.027 816

0.049 817

0.018 818

0.038 840

0.109 841

0.059 842

0.017 843

0.043 846

0.045 847

0.011 848

0.021 867

0.075 868

0.001 869

0.010 871

0.103 872

0.002 873

0.015 878

0.033 880

0.025 881

0.125 889

0.063 1347

0.020 1365

0.093 1367

0.007 1368

0.061 1371

0.080 1372

0.081 1373

0.088 1375

0.010 1376

0.053 1381

0.110 1382

0.124 1383

0.002 1384

5.199

योग ..

( ब ) शासकीय भूमि 220

0.010

0.010 254

0.017 304.

(2)

(1)

0.006

760

0.017

820

0.060

योग ..

5.259

महायोग ..

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

पत्र क्र. 1503 - प्रका. - भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम - बेसन पुरवा पैपखार 412

(घ) क्षेत्रफल -1.740 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में )

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.125

23

0.271

26

0.050

53

0.035

54

0.065

56

0.017

57

0.019

63

0.001

64

0.091

66 1596

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

(2)

(1)

0.075

67

0.002

110

0.038

111

0.027

113

0.041

114

0.004

115

0.083

116

0.044

118

0.039

120

121

0.079

0:081

122

0.062

134

0.013

136

0.124

137

0.037

139

0.064

140

142

0.123

0.047

143

0.037

229

1.706

योग

(ब ) शासकीय भूमि

0.022

24

0.012

146

0.034

योग ..

1.740

महायोग ..

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक , भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1505 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन -

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग) ग्राम- जलैया 197

(घ) क्षेत्रफल -2.085 हेक्टेयर.

अर्जित रकबा

खसरा नं.

(हेक्टर में)

(2)

(1)

( अ ) निजी पट्टे की भूमि

19

0.016

0.109

22

0.010

24

0.250

26

0.126

27

0.278

28

0.069

93

0.249

94

95

0.149

0.001

108

0.414

109

0.052

114

0.092

115

1.815

योग

( ब ) शासकीय भूमि

0.126

90

0.144

118

0.270

योग ..

2.085

महायोग ..

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण" में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ). भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक , भू-अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1507- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक 1597

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भू- अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

आवश्यकता है:-

अनुसूची

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग) ग्राम- खोहा 121

(घ) क्षेत्रफल -0.685 हेक्टेयर.

(ग ) ग्राम- बसरेही = 390

(घ ) क्षेत्रफल - 1.262 हेक्टेयर.

खसरा नं .

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

खसरा नं.

(2)

(1)

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

( अ ) निजी पट्टे की भूमि 0.069

1126

0.063

0.453 1127

1

0.003

0.311 1128

13

0.073

1154

0.290

14

0.056

1155

0.208

18

1.262 0.199

योग ..

1156

0.050

1158

0.053

1159

(ब ) शासकीय भूमि निरंक

0.101

1160

1.262

महायोग ..

0.077

1162

0.017

1170

0.685

योग ..

( ब ) शासकीय भूमि

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

निरंक

0.685

महायोग ..

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

पत्र क्र. 1511 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

पत्र क्र. 1509- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) 1598

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- तेंदुनी कोठार 253

(घ) क्षेत्रफल -0.923 हेक्टेयर.

खसरा नं .

अर्जित रकबा (हेक्टर में )

(2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.042

2/1

0.172

2/2

0.098

3

0.002

4

0.006

6

0.163

9

0.287

10

0.118

11

0.888

योग .

( ब ) शासकीय भूमि

0.035

1

0.035

योग ..

0.923

महायोग ..

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासन भू- अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1513 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: -

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील-जवा

(ग) ग्राम-नौवा माजरा 288

(घ) क्षेत्रफल -0.202 हेक्टेयर .

खसरा नं .

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.013

6

0.029

7

0.058

8

0.001

9

0.092

10

0.008

11

0.001

12

0.202

योग .

( ब ) शासकीय भूमि

निरंक

0.202

महायोग

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु. क (3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण प्रशासन, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1515 - प्रका.- भू-अर्जन- 2015.- चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग) ग्राम- भिटौहा पैपखार 532

(घ) क्षेत्रफल -2.014 हेक्टेयर .

1599

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

अर्जित रकबा

खसरा नं .

(हेक्टर में)

(2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.016

9

0.002

23

0.192

24

0.224

26

0.160

30

0.176

31

0.007

32

0.208

42

0.018

48

0.006

49

0.113

50

0.024

51

0.002

54

0.144

55

0.012

56

0.097

57

0.006

202

0.100

203

0.128

204

0.008

205

0.007

216

0.160

273

0.088

275

0.116

276

2.014

योग ..

( ब ) शासकीय भूमि

निरंक

2.014

महायोग ..

प्रशासक (2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण, भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1517- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि , अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख) तहसील- जवा

( ग) ग्राम- गगहना 119

(घ) क्षेत्रफल -4.087 हेक्टेयर.

अर्जित रकबा

खसरा नं.

(हेक्टर में )

(2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.108

3

0.041

4

0.092

181

0.064

184

0.057

187

0.048

188

0.073

206

0.034

208

0.002

224

0.022

225

0.056

226

0.036

227

0.002

228

0.080

231

0.012

232

0.064

233

0.001

237

0.010

255

0.063

256

0.057

257

0.011

258

0.096

260

0.002

261 1600

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

(2)

(1)

0.002

263

0.088

264

0.031

265

0.008

271

0.104

272

0.105

273

0.160

274

0.004

275

0.020

282

0.013

323

324

0.050

0.014

325

0.104

413

0.173

417

0.137

419

0.072

420

0.037

438

0.248

439

0.060

441

0.084

442

0.002

443

0.008

452

0.017

457

0.151

458

0.776

459

0.280

463

0.076

464

0.176

465

0.056

473

4.087

योग ..

( ब ) शासकीय भूमि

निरंक

महायोग .. 4.087

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण प्रशासक भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

पत्र क्र. 1519- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

(1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील- जवा

(ग) ग्राम- जहदर 198

(घ) क्षेत्रफल -0.178 हेक्टेयर.

अर्जित रकबा

खसरा नं .

(हेक्टर में )

(2)

(1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.001

9

0.124

10

0.021

11

0.032

12

0.178

योग

(ब ) शासकीय भूमि

निरंक

0.178

महायोग ..

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु .

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण प्रशासक , भू- अर्जन एवं पुनर्वास , बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1521 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भू- अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है: - 1601

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख ) तहसील- जवा

(ग ) ग्राम- करवाल पुरवा पैखार 57 (घ) क्षेत्रफल - 1.320 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में)

(2) (1)

(अ) निजी पट्टे की भूमि

0.030 117

0.078 118

0.013 119

0.021 120

0.013 121

0.036 122

0.017 123

0.028 124

0.002 137

0.015 138

0.007 142

0.045 143

0.012 144

0.001 145

0.018 146

0.023 147

0.020 149

0.040 150

0.024 151

0.001 152

0.038 154

0.038 155

0.026 156

0.029 157

0.040 158

0.029 159

0.033 161

0.063 175

0.013 176

0.001 177

0.022 180

(2)

(1)

0.002

196

0.066

197

0.012

198

0.046

199

0.006

200

0.018

203

0.061

204

0.014

205

0.033

207

0.046

208

0.005

234

0.049

235

0.006

236

0.075

237

0.004

238

0.056

239

0.016

240

0.037

244

1.289

योग

( ब ) शासकीय भूमि

0.031

259

0.031

योग

1.320

महायोग .

( 2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण" में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण , प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है.

पत्र क्र. 1523 - प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गयां है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है . अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है :-

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1602

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला-रीवा

(ख ) तहसील - जवा

(ग) ग्राम बनी डीह पैपखार 409

(घ) क्षेत्रफल -1.069 हेक्टेयर.

खसरा नं.

अर्जित रकबा (हेक्टर में )

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.454

89

0.116

90

0.036

91

0.086

92

93

0.196

0.043

94

0.931

योग

( ब ) शासकीय भूमि

0.138

88

0.138

योग

1.069

महायोग ..

(2 ) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के टमस मुख्य नहर की माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

(3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण प्रशासक, भू-अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना , रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

पत्र क्र. 1525- प्रका.- भू-अर्जन-2015. चूंकि, राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद ( 1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद ( 2 ) में उल्लेखित भूमि सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है. अतः भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा घोषित किया जाता है कि निजीभूमि/शासकीय भूमि पर स्थित संपत्ति के अर्जन हेतु आवश्यकता है:-

अनुसूची

( 1 ) भूमि का वर्णन-

(क) जिला- रीवा

(ख) तहसील - जवा

(ग) ग्राम- गड़ेहरा 130

(घ) क्षेत्रफल - 11.509 हेक्टेयर.

अर्जित रकबा

खसरा नं.

(हेक्टर में)

(2)

(1)

(अ ) निजी पट्टे की भूमि

0.991

7

0.749

8

0.219

9

0.416

10

0.437

11

0.309

15

0.098

17

0.256

18

0.697

28

0.771

29

0.503

33

0.803

35

0.154

36

0.044

37

0.169

47

0.336

48

0.657

49

0.265

50

1.613

83

0.963

85

0.211

86

0.445

364

0.211

365

11.317

योग ..

( ब ) शासकीय भूमि

0.030

6

0.062

16

0.084

27

0.010

75

0.006

82

योग ..

महायोग .. 0.192 11.509

(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिए आवश्यकता है- बाणसागर परियोजना के अंतर्गत " त्योंथर बहाव योजना के माइनर नहर निर्माण " में आने वाली निजी/ शासकीय भूमियों एवं उस पर स्थित सम्पत्ति के अर्जन हेतु.

( 3 ) भूमि का नक्शा ( प्लान ) का निरीक्षण प्रशासक, भू- अर्जन एवं पुनर्वास, बाणसागर परियोजना, रीवा के कार्यालय में किया जा सकता है .

मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, आर. डी. एस. अग्निवंशी , प्रशासक एवं पदेन उपसचिव.

1603

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं

उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश , जबलपुर Jabalpur, the 15th May 2015

No. 518 - Confdl . - 2015 - II - 3-1-2015 . The Madhya Pradesh State Judicial Academy, High Court of M. P. , Jabalpur is conducting two days ' Workshop on Claim cases under Motor Vehicles Act and Key issues relating to appeals and revisions for Judges appointed under the Act on 20-06-2015 & 21-06-2015 in the Academy. Judges , whose names and postings figure in the endorsement, are directed to attend the aforesaid course .

Conditions for the course :-

1. Barring exceptional circumstances , the participants nominated for the Workshop shall not pray for adjustment .

2. The participants are directed to arrange their Board Diaries in such a manner that no case is listed on the dates on which they are directed to attend this Workshop . If cases have already been fixed for the same dates , summons should not be issued . However , if summons have already been issued, the parties should be informed about the change in dates .

3. The participants shall report by 9.30 a. m . on the first day of the Workshop in the Lecture Room of Madhya Pradesh State Judicial Academy Building , Jabalpur.

4. The participants shall come soberly dressed during the entire duration of the Workshop .

5. The Participants may bring laptop Computers or external storage device with them if they find itbeneficial .

6. T.A. & D.A. of the participants is reimbursable only as per Government Rules .

7. The Academy shall endeavour to make best possible arrangments for reception , lodging , boarding and entertainment of the participants in the Guest House of the Academy.

The participants arriving a day earlier or at hours other than those mentioned above or by a different mode of conveyance , may inform the Academy to Shri Gyan Prakash Tekam, A.G. III on Telephone No. 0761-2628679 or to Shri Pramod Kushwaha , Care Taker on Mobile No. 09713717147 or to Shri Pramod Kumar Chaturvedi , A. G. II on Mobile No. 08878747939 at least a day in advance , so that proper arrangement for their reception may be made. It may however be noted that it may not be possible for the Academy to make arrangement for carriage of participants ' luggage to the parked vehicles . The judicial officers included in the Workshop will be provided with a vehicle at the Main Entrance of Railway Station (Platform No. 1 only ) according to their. programme.

8. The Guest House of the Academy is located on second and third floors of the MPSJA building . At present the lift is not functional . The participants are, with prior intimation to the Academy, free to stay at the accommodation of their choice . In such a case the participants shall be entitled to T.A. & D.A. as per rules . However , it would not be possible for the Academy to make arrangements for pick up from and drop back to such place .

9. The accommodation in the Guest House of the Academy shall be available to the participants a day prior to the commencement of the Workshop and upto 10.00 a. m . on the succeeding day of the end of Worksshop.

10. The participants shall be provided with tea, breakfast , lunch and dinner during their period of stay for the Workshop , free of charge .

No. 520 - Confdl . -2015-11-3-1-2015 .- The Madhya Pradesh State Judicial Academy, High Court of M. P. , Jabalpur is conducting two days ' Workshop on Key issues and Challenges under N.D.P.S. Act , 1985 for Special Judges dealing cases under the Act on 27-06-2015 & 28- 06-2015 in the Academy . Judges , whose names and postings figure in the endorsement , are directed to attend the aforesaid course .

Conditions for the course :-

1. Barring exceptional circumstances , the participants nominated for the Workshop shall not pray for adjustment .

2. The participants are directed to arrange their Board Diaries in such a manner that no case is listed on the dates on which they are directed to attend this Workshop. If cases have already been fixed for the same dates , summons should not be issued . However, if summons have already been issued , the parties should be informed about the change in dates .

1604

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

3. The particpants shall report by 9.30 a. m . on the first day of the Workshop in the Lecture Room of Madhya Pradesh State Judicial Academy Building , Jabalpur .

4. The participants shall come soberly dressed during the entire duration of the Workshop .

5. The Participants may bring laptop Computers or external storage device with them if they find itbeneficial .

6. T.A. & D.A. of the participants is reimbursable only as per Government Rules .

7. The Academy shall endeavour to make best possible arrangements for reception , lodging , boarding and entertainment of the participants in the Guest House of the Academy.

The participants arriving a day earlier or at hours other than those mentioned above or by a different mode of conveyance , may inform the Academy to Shri Gyan Prakash Tekam , A.G. III on Telephone No. 0761-2628679 or to Shri Pramod Kushwaha , Care Taker on Mobile No. 09713717147 or to Shri Pramod Kumar Chaturvedi , A. G. II on Mobile No. 08878747939 at least a day in advance , so that proper arrangement for their reception may be made . It may however be noted that it may not be possible for the Academy to make arrangement for carriage of participants ' luggage to the parked vehicles . The judicial officers included in the Workshop will be provided with a vehicle at the Main Entrance of Railway Station (Platform No. 1 only ) according to their programme.

8. The Guest House of the Academy is located on the second and third floors of the MPSJA building . At present the lift is not functional . The participants are , with prior intimation to the Academy, free to stay at the accommodation of their choice . In such a case the participants shall be entitled to T.A. & D.A. as per rules . However, it would not be possible for the Academy to make arrangement for pick up from and drop back to such place .

[ भाग 1 9. The accommodation in the Guest House of the Academy shall be available to the participants a day prior to the commencement of the Workshop and upto 10.00 a . m . on the succeeding day of the end of Workshop .

10. The participants shall be provided with tea, breakfast , lunch and dinner during the period of stay for the Workshop , free of charge .

By order of Hon'ble the Chief Justice , VED PRAKASH , Registrar General .

जबलपुर, दिनांक 8 अप्रैल , 2015

क्र. B - 1506-दो-2-37-2005.- श्री आर. के. पाण्डे, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , अशोकनगर को दिनांक 27 जनवरी 2015 से 07 फरवरी 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करके बारह दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है.

अवकाश से लौटने पर श्री आर. के. पाण्डे, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, अशोकनगर को अशोकनगर पुनः पदस्थापित किया जाता है .

कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री आर. के. पाण्डे उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.

क्र. B - 1508- दो- 2-24-2014 .- श्री अरूण कुमार शर्मा, प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय, छतरपुर को दिनांक 24 फरवरी से 03 मार्च 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए आठ दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .

अवकाश से लौटने पर श्री अरूण कुमार शर्मा , प्रधान न्यायाधीश, कुटुंब न्यायालय , छतरपुर को छतरपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है.

अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री अरूण कुमार शर्मा उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .

क्र. C- 1587- दो- 2-36-2008.- श्री आर. के. गुप्ता , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , मुरैना को दिनांक 4 फरवरी 2015 से दिनांक 07 फरवरी 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए चार दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात्त में दिनांक 08 फरवरी 2015 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.

1605

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

अवकाश से लौटने पर श्री आर. के. गुप्ता , जिला एवं सत्र न्यायाधीश , मुरैना को मुरैना पुनः पदस्थापित किया जाता है.

अवकाश से लौटने पर श्री अनुपम श्रीवास्तव , प्रधान न्यायाधीश, कुटुंब न्यायालय , टीकमगढ़ को टीकमगढ़ पुनः पदस्थापित किया जाता है.

अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था .

अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री अनुपम श्रीवास्तव , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री आर. के. गुप्ता, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.

क्र. D - 2020- दो-2-20-2013.- श्री जे. पी . राव , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मण्डला को दिनांक 13 से 21 फरवरी 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करके नौ दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पश्चात में दिनांक 22 फरवरी 2015 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.

क्र. C - 1615-दो- 2-58-2014.- श्री पी. सी. शर्मा, प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय, बालाघाट को दिनांक 16 से 21 फरवरी 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए छः दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 14 एवं 15 फरवरी 2015 के एवं पश्चात में दिनांक 22 फरवरी 2015 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .

अवकाश से लौटने पर श्री जे. पी. राव, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मण्डला को मण्डला पुनः पदस्थापित किया जाता है.

अवकाश से लौटने पर श्री पी. सी. शर्मा, प्रधान न्यायाधीश, कुटुंब न्यायालय, बालाघाट को बालाघाट पुनः पदस्थापित किया जाता है. कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री पी . सी. शर्मा उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री जे. पी. राव , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .

क्र. C- 1617-दो-2-48-2013.- श्री पी. के. वर्मा, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , अनूपपुर को दिनांक 09 से 16 फरवरी 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करके आठ दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पश्चात में दिनांक 17 फरवरी 2015 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.

क्र. D - 2022-दो-2-44-2012.- श्री अनिल कुमार श्रीवास्तव, जिला एवं सत्र न्यायाधीश , सतना को दिनांक 11 से 13 फरवरी 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करके तीन दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पश्चात में दिनांक 14 एवं 15 फरवरी 2015 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .

अवकाश से लौटने पर श्री अनिल कुमार श्रीवास्तव , जिला एवं सत्र न्यायाधीश, सतना को सतना पुनः पदस्थापित किया जाता है .

अवकाश से लौटने पर श्री पी . के. वर्मा, जिला एवं सत्र न्यायाधीश, अनूपपुर को अनूपपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है.

कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था .

कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री अनिल कुमार श्रीवास्तव उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .

प्रमाणित किया जाता है कि श्री पी. के. वर्मा, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .

क्र. D - 2025- दो- 2-46-2010. श्रीमती दुर्गा डाबर, प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , उज्जैन को दिनांक 18 फरवरी 2015 से दिनांक 21 फरवरी 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए चार दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 17 फरवरी 2015 के एवं पश्चात में क्र. D- 2017- दो-2-45-2013. श्रीअनुपम श्रीवास्तव, प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , टीकमगढ़ को दिनांक 12 से 17 मार्च 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए छः दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है .

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 5 जून 2015

1606

जबलपुर, दिनांक 18 अप्रैल 2015 दिनांक 22 फरवरी 2015 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.

अवकाश से लौटने पर श्रीमती दुर्गा डाबर, प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , उज्जैन को उज्जैन पुनः पदस्थापित किया जाता है.

कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

क्र. B - 2143-दो- 2-60-2014.- श्री राजेश कुमार शर्मा, डिप्टी रजिस्ट्रार, उच्च न्यायालय इंदौर खण्डपीठ, इंदौर को दिनांक 21 अप्रैल 2015 से दिनांक 25 अप्रैल 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात में दिनांक 26 अप्रैल 2015 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .

प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती दुर्गा डाबर, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.

अवकाश से लौटने पर श्री राजेश कुमार शर्मा, डिप्टी रजिस्ट्रार , उच्च न्यायालय इंदौर खण्डपीठ, इंदौर को इंदौर पुनः पदस्थापित किया जाता है .

क्र. D - 2027- दो- 2-46-2010.- श्रीमती दुर्गा डाबर, प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , उज्जैन को दिनांक 10 फरवरी 2015 से दिनांक 12 फरवरी 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करते हुए तीन दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है .

अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था .

अवकाश से लौटने पर श्रीमती दुर्गा डाबर, प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , उज्जैन को उज्जैन पुनः पदस्थापित किया जाता है.

प्रमाणित किया जाता है कि श्री राजेश कुमार शर्मा उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो डिप्टी रजिस्ट्रार के पद पर कार्यरत रहते.

कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

उच्च न्यायालय के आदेशानुसार , व्ही. बी. सिंह , रजिस्ट्रार.

प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती दुर्गा डाबर, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.

जबलपुर, दिनांक 19 मई 2015 माननीय प्रशासनिक न्यायाधिपति महोदय के आदेशानुसार, व्ही. बी. सिंह , रजिस्ट्रार.

जबलपुर, दिनांक 08 अप्रैल 2015

क्र. B - 2175- दो-3-16-2007.- श्री व्ही. बी. सिंह, रजिस्ट्रार- कम- पी.पी. एस. , उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश , जबलपुर को दिनांक 11 मई 2015 से दिनांक 15 मई 2015 तक दोनों दिन सम्मिलित करके पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 09 एवं 10 मई 2015 के एवं पश्चात् में दिनांक 16 एवं 17 मई 2015 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.

क्र. 324- गोपनीय- 2015- दो- 3-1-2015 ( भाग- ए) .- भारतीय संविधान के अनुच्छेद 235 व्दारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश, निम्न सारणी के स्तम्भ क्रमांक ( 2 ) में उल्लेखित न्यायिक अधिकारी को उनके नाम के समक्ष उक्त सारणी के स्तम्भ क्रमांक ( 3 ) में दर्शाये अनुसार उल्लेखित न्यायालय के न्यायाधीश के पद पर, उनके कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से पदस्थ करता है:-

अवकाश से लौटने पर श्री व्ही . बी. सिंह , रजिस्ट्रार - कम- पी.पी. एस. , उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश , जबलपुर को जबलपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है .

सारणी

क्रमांक अधिकारी का नाम

अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.

न्यायालय में पदस्थापना के संदर्भ में टिप्पणी (3)

(2)

(1)

1 श्री नीरज मालवीय,

सप्तम व्यवहार न्यायाधीश ,

प्रमाणित किया जाता है कि श्री व्ही. बी. सिंह उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो रजिस्ट्रार - कम- पी.पी. एस. के पद पर कार्यरत रहते.

अष्टम् व्यवहार न्यायाधीश वर्ग -1 , जबलपुर की हैसियत से.

वर्ग -1 , जबलपुर.

उच्च न्यायालय के आदेशानुसार,.

यू. एस. दुबे, रजिस्ट्रार.

उच्च न्यायालय के आदेशानुसार, मनोहर ममतानी , प्रिंसिपल रजिस्ट्रार ( न्यायिक) .

1607

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

जबलपुर, दिनांक 15 मई 2015

क्र. डी- 2645- III- 6-2-15.- दण्ड प्रक्रिया संहिता 1973 ( अधिनियम क्रमांक 2 सन् 1974 ) की धारा 11 की उपधारा ( 3 ) , सहपठित धारा 32 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश , जबलपुर, निम्नलिखित सारणी के स्तंभ क्रमांक 2 में वर्णित व्यवहार न्यायाधीश वर्ग -2 एवं न्यायिक दंडाधिकारी द्वितीय श्रेणी, जिनकी पदस्थापना का स्थान स्तंभ क्रमांक 3 में दर्शित है, को स्तंभ क्रमांक-4 में वर्णित राजस्व जिले में, न्यायिक दण्डाधिकारी प्रथम श्रेणी की शक्तियां प्रदान करता है:-

सारणी

राजस्व जिला

पदस्थापना का

क्र.

स्थान

व्यवहार न्यायाधीश वर्ग-2 एवं न्यायिक दण्डाधिकारी द्वितीय श्रेणी

(4)

(3)

(2)

(1)

मुरैना

सबलगढ़

1.

श्री मोह. नियामत हुसैन रिजवी द्वितीय व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग-2 .

अशोकनगर

चंदेरी

2.

श्री सुनील चौधरी

द्वितीय व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग -2 .

लौंडी

छतरपुर 3.

श्री निर्भय कुमार गर्वा द्वितीय व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग -2 .

जबलपुर, दिनांक 16 मई 2015

क्र. 523 - तीन- 10-42-75 ( शहडोल - बुढ़ार ) . मध्यप्रदेश सिविल न्यायालय अधिनियम, 1958 ( अधिनियम क्रमांक 19 सन् 1958 ) की धारा 12 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए उच्च न्यायालय एतद्वारा निर्देशित करता है कि श्री राजदीप सिंह ठाकुर, द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, शहडोल, अपने घोषित कार्यस्थल शहडोल के अतिरिक्त बुढ़ार में भी प्रत्येक माह 15 ( पन्द्रह ) दिवस, वहां श्रृंखला न्यायालय आयोजित करने हेतु बैठक करेंगे .

Jabalpur, the 16th May 2015

No. 523 - III - 10-42-75 ( Shahdol - Budhar.-In exercise of the powers conferred by Section 12 of the Madhya Pradesh CivilCourts Act , 1958 ( Act No. 19 of 1958 ) the High Court of Madhya Pradesh hereby directs that the Shri Rajdeep Singh Thakur , IInd Addl . Distt , & Session Judge , Shahdol in addition to his place of sitting declared at Shahdol shall also sit at Budhar for 15 ( Fifteen ) days in each month , for holding of Link Court there .

By order of the High Court

VIVEK SAXENA , O.S.D. ( D. E. ) .

जबलपुर , दिनांक 7 अप्रैल 2015

क्र. 320- गोपनीय- 2015- दो- 2-1-2015 ( भाग- बी ) - भारतीय संविधान के अनुच्छेद 235 एवं मध्यप्रदेश सिविल कोर्टस एक्ट 1958 ( 19 सन् 1958 ) की धारा 8 की उपधारा ( 1 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग में लाते हुए, उच्च न्यायालय, मध्यप्रदेश , निम्नलिखित सिविल न्यायाधीश ( वरिष्ठ श्रेणी ) को जिन्हें विधि और विधायी कार्य विभाग , भोपाल के आदेश फा. क्रमांक 3 ( ए) 1 / 2015/21 - ब ( एक ) /904 , दिनांक 07 अप्रैल 2015 द्वारा पदोन्नति पर मध्यप्रदेश उच्चतर न्यायिक सेवा में जिला न्यायाधीश ( प्रवेश स्तर ) के पद पर स्थानापन्न रूप में कार्य करने के लिये अस्थायी रूप से नियुक्त किया गया है एवं जिनके नाम निम्न सारणी के स्तम्भ ( 1 ) में उल्लेखित है . स्तम्भ ( 2 ) में उल्लेखित उनकी वर्तमान पदस्थापना के स्थान से स्थानांतरित कर उक्त सारणी के स्तम्भ ( 3 ) में वर्णित स्थान पर पदस्थ करता है एवं उन्हें निम्न सारणी के स्तम्भ ( 5 ) में दर्शित अपर जिला न्यायाधीश की हैसियत से उनके कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से नियुक्त करता है एवं निर्देश देता है कि वे निम्न सारणी के स्तम्भ ( 6 ) में दर्शाये गये स्थान पर, आगामी आदेश होने तक बैठेंगे .

[ भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

1608

दण्ड प्रक्रिया संहिता , 1973 ( क्रमांक 2 सन् 1974 ) की धारा 8 की उपधारा ( 1 ) के द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए , उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश, उच्चतर न्यायिक सेवा के निम्न अधिकारी को उनके नाम के समक्ष निम्नलिखित सारणी के स्तम्भ ( 4 ) में निर्दिष्ट सत्र खण्ड के लिये सत्र न्यायालय की अधिकारिता का प्रयोग करने के लिए, उनके द्वारा , कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से अपर सत्र न्यायाधीश की हैसियत से नियुक्त करता है: -

सारणी क्रमांक अधिकारी का नाम व पदनाम

वर्तमान पदस्थापना का स्थान (2)

पदोन्नति पर पदस्थापना का स्थान (3) (0)

(1)

वारासिवनी

बैतूल

1 श्रीमती नोरिन निगम, प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, बैतूल.

भोपाल

भोपाल

2 श्रीमती किरण सिंह, ग्यारहवें व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , भोपाल.

विदिशा

विदिशा

3 श्री विजय सिंह कावछा, प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग-1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , विदिशा.

रीवा

छतरपुर

4 श्री संजय कुमार कस्तवार, प्रथम व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , छतरपुर.

दमोह

अशोकनगर

5 गिरीष दीक्षित, प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , अशोकनगर.

रायसेन

गुना 6 कुमारी निवेदिता मुदगल, प्रथम व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , रायसेन .

इंदौर

इंदौर

7 श्री संतोष प्रसाद शुक्ला, चतुर्थ व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, इंदौर.

सत्र खण्ड का नाम

न्यायालय में बैठने का स्थान (6) न्यायालय का नाम जिसके अतिरिक्त न्यायाधीश नियुक्त एवं पदस्थ (5)

(4)

वारासिवनी बालाघाट पदोन्नति पर द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से.

भोपाल भोपाल पदोन्नति पर चौदहवें अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से रिक्त न्यायालय में.

विदिशा विदिशा पदोन्नति पर तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से.

रीवा रीवा पदोन्नति पर द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से.

दमोह दमोह पदोन्नति पर प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से.

गुना गुना पदोन्नति पर तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से.

इंदौर इंदौर पदोन्नति पर पंचम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से .

1609

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

भाग 1 ]

(2)

(3) (1)

(0)

रीवा

कटनी

8 श्री आशुतोष मिश्रा, प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , कटनी.

सागर

सागर

9 श्री राजेन्द्र कुमार शर्मा, (सीनियर ) , प्रथम व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , सागर.

शहडोल

सिवनी

10 श्री राजदीप सिंह ठाकुर, प्रथम व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, सिवनी.

इंदौर

11

जबलपुर श्री विवेक सिंह रघुवंशी, प्रथम व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , इंदौर.

12

शाजापुर

शुजालपुर श्रीमती दिव्यांगना जोशी पाण्डेय , प्रथम व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग-1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , शाजापुर.

13

बड़वानी

जबलपुर श्री धर्मपाल सिंह शिवाच , प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, बड़वानी.

भिण्ड 14

झाबुआ

श्री कुलदीप जैन, प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , झाबुआ.

(6)

(5)

(4)

रीवा रीवा पदोन्नति पर पंचम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से.

सागर सागर

पदोन्नति पर प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से.

शहडोल शहडोल पदोन्नति पर द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से .

जबलपुर जबलपुर पदोन्नति पर तृतीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से .

शाजापुर

शुजालपुर पदोन्नति पर द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से.

जबलपुर जबलपुर पदोन्नति पर दसवें अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से.

भिण्ड भिण्ड पदोन्नति पर प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की हैसियत से .

क्र. 322 - गोपनीय- 2015- दो- 3-1-2015 ( भाग- ए) .- भारतीय संविधान के अनुच्छेद 235 के अन्तर्गत प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश , निम्नलिखित व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग -1 तथा मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी/अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी को उसी हैसियत में स्थानांतरित कर उनके नाम के समक्ष अंकित स्थान एवं पद पर उनके कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से पदस्थ करता है.

दण्ड प्रक्रिया संहिता, 1973 ( क्रमांक 2 सन् 1974 ) की धारा 12 की उपधारा ( 2 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश , निम्नलिखित व्यवहार न्यायाधीश को उनके नाम के समक्ष स्तम्भ ( 5 ) में अंकित जिले में मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी/ अतिरिक्त मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी की हैसियत से उनके कार्यभार ग्रहण करने के दिनांक से नियुक्त करता है:-

1610

[भाग 1

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

सारणी

कहां को

कहां से

क्र.

नाम

(3) (1)

(2)

1 श्री जयदीप सिंह

बैतूल

न्यायालय में पदस्थापना के संदर्भ में टिप्पणी (6)

पदस्थापना के जिले का नाम (5)

(4)

बैतूल

बैतूल

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , बैतूल की हैसियत से श्रीमती नोरिन निगम के स्थान पर.

विदिशा

विदिशा

विदिशा

2 श्रीमती शशि सिंह

मेहगांव.

3 श्री मुकेश कुमार बाथम

4

इंदौर श्री सैफी दाऊदी

रायसेन 5 श्रीमती वर्षा शर्मा

कटनी 6 श्री अरूण प्रताप सिंह

डबरा 7 श्री अरविन्द कुमार ( जैन )

इंदौर 8 श्री मनोज कुमार लढ़िया

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , विदिशा की हैसियत से श्री विजय सिंह कावछा के स्थान पर.

छतरपुर

छतरपुर

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग - 1- एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, छतरपुर की हैसियत से श्री संजय कुमार कस्तवार के स्थान पर.

अशोकनगर अशोकनगर प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, अशोकनगर की हैसियत से श्री गिरीश दीक्षित के स्थान पर.

रायसेन

रायसेन

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , रायसेन की हैसियत से कुमारी निवेदिता मुदगल के स्थान पर.

कटनी

कटनी

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, कटनी की हैसियत से श्री आशुतोष मिश्रा के स्थान पर.

सागर

सागर

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , सागर की हैसियत से श्री राजेन्द्र कुमार शर्मा (सीनियर ) के स्थान पर.

सिवनी

सिवनी

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश, वर्ग-1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, सिवनी की हैसियत से श्री राजदीप सिंह ठाकुर के स्थान पर .

भाग 1 ]

1611

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 5 जून 2015

(3)

(4)

(2)

(1)

इंदौर 9 श्री दीपक कुमार पाण्डेय

10

शाजापुर

शाजापुर

श्री अखिलेख कुमार धाकड़

11

चुरहट श्री अशोक कुमार सोंधिया

12 श्री अंतर सिंह अलावा

झाबुआ

सतना 13 श्री प्रिवेन्द्र कुमार सेन

14

मुरैना श्री मुन्नालाल राठौर

(6)

(5)

इंदौर

इंदौर

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , इंदौर की हैसियत से श्री विवेक सिंह रघुवंशी के स्थान पर.

शाजापुर

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , शाजापुर की हैसियत से श्रीमती दिव्यांगना जोशी पाण्डेय के स्थान पर.

बड़वानी

बड़वानी

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, बड़वानी की हैसियत से श्री धर्मपाल सिंह शिवाच के स्थान पर.

झाबुआ

झाबुआ

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , झाबुआ की हैसियत से श्री कुलदीप जैन के स्थान पर .

सतना

सतना

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , सतना की हैसियत से श्री संदीप कुमार श्रीवास्तव के स्थान पर.

मुरैना

मुरैना

प्रथम व्यवहार न्यायाधीश , वर्ग -1 एवं मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी , मुरैना की हैसियत से श्री प्रदीप सोनी के स्थान पर.

उच्च न्यायालय के आदेशानुसार, मनोहर ममतानी , प्रिंसिपल रजिस्ट्रार ( न्यायिक ) .

Cite this issue. Madhya Pradesh Gazette, Government of Madhya Pradesh, 05 June 2015. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gazette.madhya.2015-06-05.23.Ordinary/. Archive identifier in.gazette.madhya.2015-06-05.23.Ordinary.