मध्यप्रदेश शासन
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मध्यप्रदेश राजपत्र
(असाधारण )
प्राधिकार से प्रकाशित
क्रमांक 280]
भोपाल , गुरुवार, दिनांक 17 मई 2018- वैशाख 27 , शक 1940
श्रम विभाग
मंत्रालय, वल्लभ भवन , भोपाल
भोपाल , दिनांक 17 मई 2018
मुख्यमंत्री जन कल्याण ( अंत्येष्टि सहायता) संबल योजना, 2018
क्र. 522-623-18- A-सोलह.- यह कि श्रम विभाग द्वारा मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) क्रमांक 210 , दिनांक 31 मार्च 2018 को मुख्यमंत्री असंगठित मजदूर कल्याण ( अंत्येष्टि सहायता ) योजना, 2018 अधिसूचित की गई थी , एतद्वारा उक्त अधिसूचना को अधिक्रमित करते हुए राज्य शासन निम्न योजना अधिसूचित करती है :-
1. संक्षिप्त नाम, विस्तार परिधि और लागू होना. ( 1 ) यह योजना मुख्यमंत्री जन कल्याण ( अंत्येष्टि सहायता ) संबल योजना, 2018 कहलायेगी.
( 2 ) यह योजना संपूर्ण मध्यप्रदेश में 1 अप्रैल, 2018 से प्रभावशील होगी .
2. परिभाषाएं.-इन नियमों में, जब तक कि संदर्भ से अन्यथा अपेक्षित न हो ,-
( 1 ) " अधिनियम " का आशय मध्यप्रदेश असंगठित कर्मकार कल्याण अधिनियम, 2003 ( 2004 का 9 ) से है.
(2) " नियम" का आशय मध्यप्रदेश असंगठित कर्मकार कल्याण नियम, 2005 से है.
(3) " मण्डल " का आशय अधिनियम की धारा 3 की उपधारा ( 1 ) के अधीन गठित मध्यप्रदेश नगरीय एवं ग्रामीण असंगठित कर्मकार कल्याण मण्डल से है .
(4) " सचिव " का आशय अधिनियम की धारा 4 ( 1 ) के अंतर्गत शासन द्वारा नियुक्त बोर्ड के सचिव से है .
(5 ) " उत्तराधिकारी " से आशय असंगठित कर्मकार के.-
पति- पत्नी ( यथास्थिति अनुसार ) I.
II . पुत्र एवं पुत्रियाँ ( पति- पत्नी नहीं होने की स्थिति में )
माता एवं पिता ( पति- पत्नी, पुत्र- पुत्री के नहीं होने की स्थिति में )
559 मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 मई 2018
560
IV. भाई एवं बहन ( पति - पत्नी, पुत्र- पुत्री एवं माता- पिता के नहीं होने की स्थिति में )
V. परिभाषित न किये गये शब्दों का निर्वचन.-उन शब्दों या पदों के सम्बन्ध में , जो इस योजना में परिभाषित नहीं किये गये हैं, किन्तु अधिनियम/नियम में परिभाषित या प्रयुक्त है , वही अर्थ होगा जो अधिनियम /नियम में परिभाषित है.
3. योजना का विवरण एवं पात्रता.-1. पंजीबद्ध असंगठित कर्मकार का उत्तराधिकारी , ऐसे कर्मकार की मृत्यु के तुरंत पश्चात् अंत्येष्टि के लिये 5 हजार की सहायता प्राप्त करने का पात्र होगा.
नोट.- उत्तराधिकारी का क्रम कंडिका 2 ( 5 ) में दिये गये क्रम अनुसार होगा अर्थात् पति की मृत्यु होने पर पत्नि राशि प्राप्त करने की प्रथम हकदार होगी, आदि.
4. आवेदन तथा भुगतान की प्रक्रिया. ( 1 ) ग्राम में अथवा शहर में किसी पंजीकृत असंगठित श्रमिक की मृत्यु की सूचना, आवेदन अथवा अन्यथा, प्राप्त होने पर संबंधित ग्राम पंचायत का सचिव/नगरीय क्षेत्र में अधिकृत अधिकारी तत्काल पीड़ित परिवार से सम्पर्क कर उन्हें अंत्येष्टि सहायता राशि का भुगतान करेगा. किसी आवेदन- पत्र की प्रतीक्षा नहीं की जायेगी.
(2 ) राज्य स्तर पर योजना के नोडल बैंक खाते से प्रति ग्राम पंचायत रुपये 10 हजार की राशि ग्राम पंचायत के खाते में अंतरित की जायेगी. अंत्येष्टि सहायता राशि का संबंधित ग्राम पंचायत का सचिव नगद आहरण करेगा.
( 3 ) इसी प्रकार नगर परिषद् को रुपये 50 हजार , नगरपालिका को रुपये 1 लाख, ग्वालियर, जबलपुर , इंदौर एवं भोपाल नगर निगम को रुपये 5 लाख , शेष नगरीय निगमों को रुपये 2 लाख की राशि राज्य स्तरीय नोडल बैंक खाते से अग्रिम प्रदाय की जायेगी.
5. ग्राम पंचायत का सचिव/नगरीय निकाय का अधिकृत अधिकारी नगद भुगतान करने के लिये अपने पास सदैव रुपये 10 हजार की राशि नगद रखेगा. वह असंगठित कर्मकार की मृत्यु होने पर उत्तराधिकारी को रुपये 5 हजार की राशि का भुगतान करेगा. संबंधित सचिव/अधिकृत अधिकारी द्वारा राशि के भुगतान का पंचनामा बनाया जावेगा. पंचनामा में मृतक का नाम, उसका जीवित/पूर्व का पंजीयन क्रमांक, मृत्यु दिनांक आदि का उल्लेख किया जायेगा. पंचनामा में मृतक के उत्तराधिकारी जिसने राशि प्राप्त की है, परिवार के एक अन्य सदस्य, एक पड़ोसी तथा ग्राम के सरपंच/पंच के हस्ताक्षर लिये जायेंगे. पंचनामें पर जिनके हस्ताक्षर लिये जावेंगे उनके नाम एवं मोबाईल नम्बर अगर उपलब्ध हो तो अवश्य दर्ज किये जावें . पंचनामा का प्रारूप परिशिष्ट -1 पर है .
6. अंत्येष्टि योजना का लाभ प्राप्त करने के लिये मृतक असंगठित कर्मकार की आयु का कोई बंधन नहीं होगा .
7. ग्राम पंचायत सचिव/अधिकृत अधिकारी पंचनामा को मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जनपद पंचायत/ नगरीय निकाय को प्रेषित करेगा, जो आवश्यक परीक्षण उपरांत स्वीकृति जारी करेगा . स्वीकृति जारी होने पर पूर्व में दी गई अग्रिम राशि में से भुगतान की गई राशि का समायोजन हो जाएगा.
8. उपरोक्तानुसार समायोजित राशि के समतुल्य राशि संबंधित पंचायत/ नगरीय निकाय के खाते में अंतरित हो जायेगी जिसका संबंधित ग्राम पंचायत सचिव/ अधिकृत अधिकारी पुनः नगद आहरण कर लेगा ताकि उसके पास Imprest के रूप में 10 हजार रुपये की राशि पुनः उपलब्ध हो जावे.
9. संलग्न परिशिष्ट -2 पर विभिन्न विभागों की योजनाओं में विभिन्न वर्गों के लिये अंत्येष्टि राशि दिए जाने का प्रावधान है . एक से अधिक योजना में अंत्येष्टि सहायता हेतु लाभ लेने की स्थिति निर्मित न हो, इसे सुनिश्चित करने के लिये उत्तराधिकारी से स्व -घोषणा प्राप्त की जाएगी . स्व- घोषणा में उत्तराधिकारी यह स्पष्ट करेगा कि उसने अन्त्येष्टि हेतु किसी भी अन्य शासकीय योजना के अंतर्गत कोई भी राशि प्राप्त नहीं की है और न ही भविष्य में प्राप्त करेगा. यह स्व - घोषणा परिशिष्ट-1 के पंचनामा का भाग है.
पदाभिहित अधिकारी इस योजना की स्वीकृति जारी करने के लिये अपने अधीनस्थ अधिकारी को अधिकृत कर सकेगा.
10.
11. पदाभिहित अधिकारी ( i ) ग्रामीण क्षेत्र हेतु मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत, ( ii ) नगरीय निकाय हेतु आयुक्त/ मुख्य नगरपालिका अधिकारी .
संजय दुबे , प्रमुख सचिव.
560(1)
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 मई 2018
परिशिष्ट-1 ( पंचनामा)
1. मृतक का नाम/पिता का नाम/उम्र
2. मृत्यु का दिनांक एवं स्थान
3. मृतक का पंजीयन क्रमांक ( योजना का नाम एवं पंजीयन क्रमांक )
4. ग्राम/वार्ड का विवरण , जहां पर राशि वितरित की गई
5. जनपद/नगरीय निकाय का विवरण, जिसके अन्तर्गत उपरोक्त ग्राम/वार्ड आता है
सहायता राशि प्राप्तकर्ता का विवरण
सहायता राशि
उम्र
पिता का नाम
क्र.
(6)
(3)
(4)
मृतक से संबंध (5)
प्राप्तकर्ता का नाम (मोबाइल नं.) (2)
(1)
राशि प्राप्तकर्ता घोषणा करता हूँ कि मैंने ( मृतक का नाम ) की मृत्यु पर मुख्यमंत्री श्रमिक सेवा योजना 2018 के अन्तर्गत किसी भी अन्य मैं, शासकीय योजना से लाभ प्राप्त नहीं किया और ना प्राप्त करूंगा.
प्राप्तकर्ता के हस्ताक्षर
द्वारा हमारे समक्ष रुपये 5000 यह सत्यापित करते हैं कि उम्र . की मृत्यु दिनांक . में हुई. मुख्यमंत्री श्रमिक सेवा योजना के अंतर्गत (अधिकारी का नाम ) की सहायता राशि नगद प्रदान की गई. पिता/पति को ( स्थान जहां मृत्यु हुई ग्राम/वार्ड )
हस्ताक्षर (4)
Mobile No. (5) उपस्थित व्यक्ति का विवरण (2)
नाम (3)
क्र. (1)
01 मृतक के परिवार का सदस्य ( राशि
प्राप्तकर्ता को छोड़कर ) .
02 सरपंच/पंच/वार्ड पार्षद
अन्य साक्षी
03
04
अन्य साक्षी
हस्ताक्षर
वितरणकर्ता अधिकारी का नाम
पदनाम
मोबाईल नं.
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 मई 2018
560 ( 2)
भोपाल, दिनांक 17 मई 2018
मुख्यमंत्री जन कल्याण ( अनुग्रह राशि भुगतान ) संबल योजना, 2018
क्र. 523-623-18- A-सोलह.- यह कि श्रम विभाग द्वारा मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) क्रमांक 210, दिनांक 31 मार्च 2018 को मुख्यमंत्री असंगठित मजदूर कल्याण ( अनुग्रह राशि भुगतान ) योजना, 2018 को अधिसूचित किया था, एतद्वारा उक्त अधिसूचना को अधिक्रमित करते हुए राज्य शासन निम्न योजना अधिसूचित करती है :-
1. संक्षिप्त नाम , विस्तार परिधि और लागू होना.- ( i ) यह योजना मुख्यमंत्री जन कल्याण ( अनुग्रह राशि भुगतान ) संबल योजना , 2018 कहलायेगी.
( ii ) यह योजना संपूर्ण मध्यप्रदेश में 1 अप्रैल 2018 से प्रभावशील होगी.
2. परिभाषाएं. इन नियमों में, जब तक कि संदर्भ से अन्यथा अपेक्षित न हो, -
(i ) " अधिनियम" का आशय मध्यप्रदेश असंगठित कर्मकार कल्याण अधिनियम , 2003 ( 2004 का 9 ) से है .
(ii ) " नियम" का आशय मध्यप्रदेश असंगठित कर्मकार कल्याण नियम, 2005 से है .
(iii ) " मण्डल " का आशय अधिनियम की धारा 3 की उपधारा ( 1 ) के अधीन गठित मध्यप्रदेश नगरीय एवं ग्रामीण असंगठित कर्मकार कल्याण मण्डल से है .
(iv) " सचिव " का आशय अधिनियम की धारा 4 ( 1 ) के अंतर्गत शासन द्वारा नियुक्त बोर्ड के सचिव से है .
(v ) " स्थायी अपंग " का आशय दोनों आंख या दोनों हाथ या दोनों पैर की हानि से है.
(vi ) " आंशिक स्थायी अपंग " का आशय एक आंख या एक हाथ या एक पैर की हानि से है.
(vii ) परिभाषित न किए गए शब्दों का निर्वचन-उन शब्दों या पदों के संबंध में, जो इस योजना में परिभाषित नहीं किए गए हैं, किन्तु अधिनियम/नियम में परिभाषित या प्रयुक्त है, वही अर्थ होगा जो अधिनियम/नियम में परिभाषित है.
3. योजना का लाभ प्राप्त करने के लिये पात्रता.- ( i ) इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए मृतक अथवा अपंग आवेदक को यथास्थिति मध्यप्रदेश असंगठित कर्मकार कल्याण अधिनियम, 2003 के अन्तर्गत पंजीबद्ध असंगठित कर्मकार होना अनिवार्य है.
( ii ) अपंगता की स्थिति में आवेदन दिनांक को अगर संबंधित व्यक्ति पंजीबद्ध असंगठित कर्मकार नहीं है तो पदाभिहीत अधिकारी निर्धारित आवेदन प्रारूप में उससे आवेदन लेकर पंजीबद्ध कर सकेगा तथा ऐसे पंजीकरण के पश्चात् प्रस्तुत आवेदन की सम्यक् जांच कर अनुग्रह राशि का भुगतान किया जा सकेगा . ऐसे पंजीकरण करने के संबंध में श्रम विभाग के द्वारा निर्धारित प्रक्रिया का पालन किया जावेगा.
( iii ) इस योजना के तहत् पंजीबद्ध असंगठित कर्मकार के स्थायी अपंग/ आंशिक स्थाई अपंग /मृत होने की दशा में उसको/उसके उत्तराधिकारी को ( यथास्थिति अनुसार ) पदाभिहित अधिकारी द्वारा निम्नानुसार अनुग्रह राशि भुगतान की जावेगी :-
i. आंशिक स्थायी अपंगता पर
रु. 1,00,000 ( रुपये एक लाख )
ii . स्थायी अपंगता पर
रु. 2,00,000 ( रुपये दो लाख )
रु. 2,00,000 ( रुपये दो लाख )
iii . सामान्य मृत्यु पर
रु. 4,00,000 ( रुपये चार लाख )
iv. दुर्घटना में मृत्यु पर
4. अनुग्रह राशि के लिए अपात्रता.- 4.1 पंजीबद्ध असंगठित कर्मकार के आत्महत्या किए जाने की स्थिति में उसके उत्तराधिकारी को अनुग्रह राशि के भुगतान की पात्रता नहीं होगी .
4.2 अगर मृतक की मृत्यु दिनांक को आयु 60 वर्ष से अधिक है तो उसके उत्तराधिकारी को अनुग्रह राशि की पात्रता नहीं होगी.
560(3)
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 मई 2018
5 आवेदन करने का स्थान.-
i . पदाभिहित अधिकारी का कार्यालय
ii . ग्राम पंचायत कार्यालय
iii . नगरीय क्षेत्रों में पदाभिहित अधिकारी द्वारा इस प्रयोजन हेतु घोषित कार्यालय.
6 आवेदन तथा भुगतान करने की प्रक्रिया.-
(अ) अपंगता की स्थिति में.-
6.अ.1 अपंगता की स्थिति में आवेदक सादे कागज पर पदाभिहित अधिकारी को संबोधित आवेदन- पत्र कंडिका 5 में उल्लेखित किसी कार्यालय में प्रस्तुत करेगा. ऐसे आवेदन - पत्र में वह निम्न जानकारी का अनिवार्यतः उल्लेख करेगा.
( i ) आवेदक का नाम,
( ii ) असंगठित कर्मकार का जीवित पंजीयन क्रमांक,
( iii ) घटना का विवरण एवं दिनांक जिसके कारण अपंगता हुई,
( iv ) बैंक खाता विवरण ( खाता क्रमांक, शाखा का नाम एवं पता, आईएफएससी कोड ) जिसमें अनुग्रह राशि जमा की जाना अपेक्षित हो,
(v) आधार नंबर.
(vi ) 'मोबाईल नंबर यदि उपलब्ध हो,
(vii ) आवेदन- पत्र में आवेदक की ऐसी स्व- घोषणा कि वह सही जानकारी प्रस्तुत कर रहा है.
6.अ .2 ऐसे आवेदन - पत्र के साथ निम्न दस्तावेज संलग्न किया जाना अनिवार्य होगा.-
(i ) शासकीय उप स्वास्थ्य केन्द्र/ प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र/सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र/जिला अस्पताल के चिकित्सक के द्वारा जारी प्रमाण- पत्र, जिससे यह स्पष्ट हो कि आवेदक नियम 2 ( 6 ) एवं 2 ( 7 ) में दी परिभाषा के अनुसार स्थाई अपंग अथवा आंशिक स्थाई अपंग है.
(ii ) कोई ऐसा साक्ष्य जिससे यह निष्कर्ष इस संबंध में मौखिक साक्ष्य भी निकाला जा सके कि वह दिनांक 1-4-2018 के पश्चात् अपंग हुआ है. स्वीकार्य होगा.
6.अ.3 स्वास्थ्य विभाग द्वारा इस योजना के अन्तर्गत परिभाषित स्थाई अपंगता/ आंशिक स्थाई अपंगता के संबंध में प्रमाण पत्र जारी करने के लिए उपरोक्त शासकीय स्वास्थ्य संस्थाओं को अधिकृत किया गया है.
6.अ.4 उपरोक्तानुसार परीक्षण के उपरांत पदाभिहित अधिकारी अनुग्रह राशि स्वीकृत कर पोर्टल के माध्यम से उसके बैंक खाते में भुगतान करेगा.
6.ब. कर्मकार की मृत्यु की स्थिति में.-
6.ब.1 मृत पंजीबद्ध कर्मकार का उत्तराधिकारी /अनुग्रह राशि प्राप्त करने के लिये सादे कागज पर पदाभिहित अधिकारी को संबोधित आवेदन - पत्र कंडिका -5 में उल्लेखित किसी कार्यालय में प्रस्तुत कर सकेगा. ऐसे आवेदन- पत्र में वह निम्न जानकारी का अनिवार्यतः उल्लेख करेगा:-
i. आवेदक का नाम
ii . मृतक का नाम तथा उसका पंजीयन क्रमांक
iii . मृत्यु दिनांक तथा उस घटनाक्रम का विवरण जिसके कारण मृत्यु हुई
iv . आधार नम्बर मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 मई 2018
560(4)
v. मृतक के सभी उत्तराधिकारियों का विवरण ( नाम , पता, मोबाईल नम्बर )
vi . आवेदन- पत्र में आवेदक की ऐसी स्व- घोषणा कि वह सही जानकारी प्रस्तुत कर रहा है तथा मृतक की मृत्यु का कारण आत्महत्या नहीं है.
6.ब .2 उक्त आवेदन- पत्र के साथ निम्न दस्तावेज संलग्न किया जाना अनिवार्य होगा:-
i. दुर्घटना में मृत्यु की स्थिति में पुलिस की FIR
ii . मृत्यु प्रमाण- पत्र
iii . कोई ऐसा साक्ष्य जिससे मृत्यु के कारण , स्पष्ट हो सके ताकि यह विनिश्चय किया जा सके कि यह सामान्य मृत्यु है अथवा दुर्घटना से मृत्यु का प्रकरण है. इस संबंध में मौखिक साक्ष्य भी स्वीकार्य होगा.
6.ब.3 उपरोक्तानुसार परीक्षण के उपरान्त पदाभिहित अधिकारी अनुग्रह राशि स्वीकृत कर पोर्टल के माध्यम से उसके बैंक खाते में भुगतान करेगा.
7. इस योजना के अन्तर्गत प्राप्त आवेदन- पत्र का अंतिम निराकरण आवेदन प्राप्त होने के 15 दिन के अन्दर किया जाना आवश्यक होगा.
8. पोर्टल पर राशि के भुगतान करने के साथ - साथ स्वीकृति/अस्वीकृति पत्र भी पोर्टल से ही जारी होगा जिसे आवेदक को तामील किया जाए.
9. संलग्न परिशिष्ट-1 पर विभिन्न विभागों के द्वारा अपनी योजनाओं में विभिन्न वर्गों के लिए अनुग्रह राशि दिए जाने का प्रावधान किया है . यह संभव है कि कोई व्यक्ति मुख्यमंत्री श्रमिक सेवा योजना के साथ - साथ अन्य ऐसी किसी योजना का लाभ प्राप्त करने की कोशिश करे . ऐसी स्थिति में पदाभिहित अधिकारी अनुग्रह राशि स्वीकृति के पूर्व आवेदक से यह स्व- घोषणा प्राप्त करेगा कि उसने जिस घटना के आधार पर अपंगता / मृत्यु से संबंधित अनुग्रह राशि प्राप्त की है उसी घटना के आधार पर उसने किसी अन्य शासकीय योजना के अन्तर्गत न तो कोई अनुग्रह राशि प्राप्त की है न भविष्य में करेगा. अगर वह ऐसा स्वाघोषण देने से इंकार करता है तो उसे इस योजना के अन्तर्गत अनुग्रह राशि स्वीकृत नहीं की जावेगी.
10. किसी बीमा योजना के अन्तर्गत अगर किसी आवेदक को अपंगता या उत्तराधिकारी की मृत्यु के कारण बीमा राशि प्राप्त हुई हो तो उसे इस योजना के अन्तर्गत अनुग्रह राशि प्राप्त करने की पात्रता रहेगी.
11. अनुग्रह राशि के भुगतान के लिए राज्य स्तर पर नोडल खाता खोला गया है जिसमें उपरोक्त राशि debit होगी .
12. पदाभिहित अधिकारी
i. ग्रामीण क्षेत्र हेतु- मुख्य कार्यपालन अधिकारी , जनपद पंचायत
ii. नगरीय निकाय हेतु- आयुक्त/मुख्य नगरपालिका अधिकारी .
संजय दुबे, प्रमुख सचिव.
560(5)
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 मई 2018
भोपाल, दिनांक 17 मई 2018
मुख्यमंत्री जन कल्याण ( उपकरण अनुदान ) संबल योजना, 2018
क्र. 524-623-18- A- सोलह . - यह कि श्रम विभाग द्वारा मध्यप्रदेश राजपत्र क्रमांक 210 , दिनांक 31 मार्च 2018 को मुख्यमंत्री असंगठित मजदूर कल्याण ( उपकरण अनुदान ) योजना, 2018 को अधिसूचित किया था, एतद्वारा उक्त अधिसूचना को अधिक्रमित करते हुए राज्य शासन निम्न योजना अधिसूचित करती है :-
1. संक्षिप्त नाम, विस्तार परिधि और लागू होना.-( 1 ) यह योजना मुख्यमंत्री जन कल्याण ( उपकरण अनुदान ) संबल योजना, 2018 कहलायेगी.
(2 ) यह योजना संपूर्ण मध्यप्रदेश में 1 अप्रैल 2018 से लागू होगी .
2. परिभाषाएं. - इन नियमों में, जब तक कि संदर्भ से अन्यथा अपेक्षित न हो,-
(1 ) " अधिनियम " का आशय मध्यप्रदेश असंगठित कर्मकार कल्याण अधिनियम, 2003 ( 2004 का 9 ) से है.
(2) " नियम " का आशय मध्यप्रदेश असंगठित कर्मकार कल्याण नियम, 2005 से है.
(3 ) " मण्डल " का आशय अधिनियम की धारा 3 की उपधारा ( 1 ) के अधीन गठित मध्यप्रदेश नगरीय एवं ग्रामीण असंगठित कर्मकार कल्याण मण्डल से है.
(4) " सचिव" का आशय अधिनियम की धारा 4 ( 1 ) के अंतर्गत शासन द्वारा नियुक्त बोर्ड के सचिव से है.
(5 ) परिभाषित न किये गये शब्दों का निर्वचन-उन शब्दों या पदों के संबंध में जो इस योजना में परिभाषित नहीं किये गये हैं, किन्तु अधिनियम /नियम में परिभाषित या प्रयुक्त हैं, वही अर्थ होगा जो अधिनियम/नियम में परिभाषित है.
3. योजना का विवरण एवं पात्रता.- ( 1 ) योजना के परिशिष्ट के कॉलम 2 में असंगठित श्रमिक का संवर्ग उल्लेखित किया गया है. पोर्टल में प्रत्येक श्रमिक के लिए उसके दो नियोजन की प्रविष्टि है. उसमें से उसने जिस नियोजन में अधिक दिन तक काम किया है, वह नियोजन उसका संवर्ग कहलायेगा.
(2) प्रत्येक संवर्ग के लिये कतिपय उपकरणों के लिए, जिसका विवरण परिशिष्ट -1 के कॉलम 3 में किया गया है, उक्त उपकरण अर्जित किये जाने पर उसे कॉलम 4 में उल्लेखित राशि प्राप्त करने की पात्रता होगी.
(3 ) अनुदान का यह लाभ पंजीबद्ध कर्मकार को 60 वर्ष की उम्र तक एक बार प्राप्त करने की पात्रता होगी .
(4) अनुदान का भुगतान उसी श्रमिक को किया जायेगा, जिसने बैंक से परिशिष्ट -1 के कॉलम-3 में उल्लेखित उपकरण लेने के लिये ऋण लिया हो तथा ऐसा ऋण 1-4-2018 के पश्चात् उसे वितरित किया गया हो. साथ ही वह उपकरण भी प्राप्त कर चुका हो.
(5 ) संबंधित आवेदक श्रमिक को बैंक से ऋण प्राप्ति के अतिरिक्त राज्य की किसी अन्य योजना के अन्तर्गत कोई अनुदान प्राप्त न हुआ हो.
4. अनुदान प्राप्त करने के लिए आवेदक श्रमिक को परिशिष्ट -2 अनुसार प्रारूप में बैंक से प्रमाण- पत्र प्राप्त करना होगा. साथ ही क्रय किये उपकरणों के बिल की प्रति संलग्न की जावेगी.
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 17 मई 2018
560(6)
5. आवेदन तथा भुगतान की प्रक्रिया.- 5.1 पंजीकृत कर्मकार सादे कागज पर आवेदन नगरीय निकाय के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अथवा जिला श्रम अधिकारी को प्रस्तुत करेगा. इस आवेदन- पत्र में वह निम्न जानकारी अनिवार्यतः देगा :-
(i) आवेदक का नाम तथा पता
(ii) असंगठित कर्मकार का पंजीयन क्रमांक
(iii) बैंक का विवरण- बैंक का नाम, खाता क्रमांक तथा आईएफएससी कोड
(iv) अनुदान की राशि जिसे प्राप्त करने के लिए वह पात्र है
असंगठित कर्मकार का मोबाईल नम्बर
(v)
(vi) असंगठित कर्मकार का आधार नम्बर
(vii) किसी अन्य योजना से अनुदान प्राप्त नहीं होने का स्व- घोषणा पत्र.
5.2 उक्त आवेदन पत्र के साथ वह परिशिष्ट-2 में बैंक का प्रमाण- पत्र प्रस्तुत करेगा .
5.3 पदाभिहित अधिकारी प्राप्त आवेदन - पत्र की पोर्टल पर जांच करेगा, जिससे आवेदक की पात्रता के संबंध में विनिश्चिय हो सके.
5.4 जांच में आवेदन पत्र सही पाये जाने पर परिशिष्ट -1 में दी गई तालिका के कॉलम-4 में अनुदान की स्वीकृति की जाएगी . इस स्वीकृति के फलस्वरूप अनुदान राशि पोर्टल से सीधे आवेदक के खाते में अंतरित हो जाएगी .
6. इस योजना अन्तर्गत पदाभिहित अधिकारी नगरीय क्षेत्र में आयुक्त, नगर निगम/मुख्य नगरपालिका अधिकारी तथा ग्रामीण क्षेत्र के लिए जिला के श्रम अधिकारी द्वारा जारी की जायेगी .
संजय दुबे , प्रमुख सचिव.
परिशिष्ट-1
मुख्यमंत्री श्रमिक सेवा ( उपकरण अनुदान ) योजना 2018 की कंडिका 3( 1 ) अन्तर्गत असंगठित श्रमिका के संवर्ग तथा देय उपकरण एवं अनुदान राशि का विवरणः -
देय अनुदान राशि (4)
देय उपकरण (3)
असंगठित श्रमिकों का संवर्ग (2)
क्र. (1)
सिलाई मशीन
1 सिलाई श्रमिक
उपकरण के लिये वितरित ऋण का 10% अथवा रुपये 5000 दोनों में से जो कम हो.
तदैव 2 सफाई कर्मकार
गमबूट , दस्ताने , मास्क एवं एप्रन
तदैव 3
जूता, हुक
पुरुष हम्माल
तदैव 4
महिला हम्माल
सूपा एवं टोकरी
तदैव 5
चम्पल/जूता, एप्रन
घरेलू कामगार
तदैव
तराजू, बाट एवं टोकरी
6 फुटकर, सब्जी, फल- फूल विक्रेता
तदैव 7 पत्थर तोड़ने/दलने वाले श्रमिक
छैनी, हथोड़ी, तगाड़ी, घन एवं जूता
तदैव
जूता , बेल्ट एवं टार्च
8 प्राईवेट सुरक्षा सेवा में नियोजित श्रमिक 560(7)
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 17 मई 2018
(3)
(4)
(2)
(1)
तदैव 9 कारीगर ( शिल्पी ) जैसे लोहार, बढ़ई, कुम्हार आदि कार्यों में लगे श्रमिक.
घन, हथोड़ा, हाथ से चलाकर लोहे को स्वरूप देने वाला उपकरण , आरी , हथोड़ी, रम्दा, राई, बसुला एवं चाक.
तदैव
10 रैग पिकर्स
जूते, मास्क एवं बैग
परिशिष्ट-2
अनुदान प्राप्त करने के लिये बैंक से प्रमाण -पत्र प्राप्त करने का प्रारूप
बैंक का नाम
प्रमाणित किया जाता है कि श्री
को इस बैंक द्वारा निम्न उपकरण क्रय करने के लिए रुपये . का ऋण वितरण किया गया है:-
1.
2.
3.
यह कि श्री ने उक्त उपकरण क्रय कर लिये हैं.
यह और भी कि इस ऋण प्रकरण में श्री की गई है. को किसी भी योजना के अन्तर्गत कोई अनुदान राशि स्वीकृत नहीं
(हस्ताक्षर)
शाखा प्रबंधक का नाम
बैंक तथा शाखा का नाम
बैंक की सील
नियंत्रक, शासकीय मुद्रण तथा लेखन सामग्री , मध्यप्रदेश द्वारा शासकीय केन्द्रीय मुद्रणालय , भोपाल से मुद्रित तथा प्रकाशित- 2018 .