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Madhya Pradesh Gazette · Government of Madhya Pradesh

मध्‍यप्रदेश वेट ( संशोधन ) विधेयक 2021.....

Published 24 February 2021

Department
विधान सभा सचिवालय
Type
Extraordinary
Gazette no.
95
Identifier
in.gazette.madhya.2021-02-24.95.Extraordinary
Languages
English, Hindi
Published at
Original source ↗

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मध्यप्रदे श शासन

सत्यमेव जयते

मध्यप्रदेश राजपत्र

(असाधारण )

प्राधिकार से प्रकाशित

क्रमांक 95 ]

भोपाल , बुधवार, दिनांक 24 फरवरी 2021 - फाल्गुन 5 , शक 1942

विधान सभा सचिवालय, मध्यप्रदेश

भोपाल, दिनांक 24 फरवरी , 2021

क्र. 2964 - मप्रविस - 15- विधान-2021 .- मध्यप्रदेश विधान सभा के प्रक्रिया तथा कार्य संचालन सम्बन्धी नियम-64 के उपबंधों के पालन में , मध्यप्रदेश वेट ( संशोधन ) विधेयक, 2021 ( क्रमांक 4 सन् 2021 ) जो विधान सभा में दिनांक 24 फरवरी 2021 को पुरःस्थापित हुआ है. जनसाधारण की सूचना के लिए प्रकाशित किया जाता है.

ए. पी. सिंह प्रमुख सचिव, मध्यप्रदेश विधान सभा.

189 मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2021

190

मध्यप्रदेश विधेयक

क्रमांक ४ सन् २०२१

मध्यप्रदेश वेट ( संशोधन ) विधेयक , २०२१

मध्यप्रदेश वेट अधिनियम , २००२ को और संशोधित करने हेतु विधेयक.

भारत गणराज्य के बहत्तरवें वर्ष में मध्यप्रदेश विधान - मण्डल द्वारा निम्नलिखित रूप में यह अधिनियमित हो :

संक्षिप्त नाम और

१. (१ ) इस अधिनियम का संक्षिप्त नाम मध्यप्रदेश वेट ( संशोधन) अधिनियम, २०२१ है.

प्रारंभ.

(२ ) यह मध्यप्रदेश राजपत्र में इसके प्रकाशन की तारीख से प्रवृत्त होगा.

धारा संशोधन. ४ का

२. मध्यप्रदेश वेट अधिनियम, २००२ ( क्रमांक २० सन् २००२ ) की धारा ४ की उपधारा ( ८ ) में, शब्द तथा पूर्ण विराम " जो मध्यप्रदेश राज्य कराधान सेवा का सदस्य रह चुका हो और कम से कम तीन वर्षों तक अपर आयुक्त या उसके समतुल्य या कोई उच्च पद धारण कर चुका हो. " , के स्थान पर, शब्द और पूर्ण विराम " जो मध्यप्रदेश राज्य कराधान सेवा का न्यूनतम तीस वर्ष तक सदस्य रह चुका हो, तथा, -

(क) संचालक या अतिरिक्त आयुक्त का पद धारण कर चुका हो या

(ख ) कम से कम तीन वर्षों तक उप आयुक्त का पद धारण कर चुका हो. "

स्थापित किए जाएं.

निरसन तथा

३. ( १ ) मध्यप्रदेश वेट ( संशोधन ) अध्यादेश, २०२१ ( क्रमांक ५ सन् २०२१ ) एतद्वारा निरसित किया जाता है .

व्यावृत्ति.

( २ ) उक्त अध्यादेश के निरसित होते हुए भी उक्त अध्यादेश के अधीन की गई कार्रवाई या की गई कोई बात, उक्त अधिनियम के तत्स्थानी उपबंधों के अधीन की गई कार्रवाई या की गई बात समझी जाएगी .

उद्देश्यों और कारणों का कथन

मध्यप्रदेश वेट अधिनियम , २००२ की धारा ४ की उपधारा ( ८ ) के अनुसार यह अनिवार्य है कि अपील बोर्ड में एक लेखा सदस्य होना चाहिए जो मध्यप्रदेश राज्य काराधान सेवा का सदस्य रह चुका हो तथा कम से कम तीन वर्ष के लिये अतिरिक्त आयुक्त का पद या उसके समतुल्य या उच्च पद धारण कर चुका हो. वर्तमान में मध्यप्रदेश राज्य कराधान सेवा से कोई पात्र सदस्य नहीं है . निकट भविष्य में भी पात्र सदस्यों के मिलने की संभावना कम है, अतः अपील बोर्ड में लेखा सदस्य के लिये पात्रता, तीस वर्ष तक मध्यप्रदेश राज्य कराधान सेवा का सदस्य रह चुका हो , और, -

(क ) संचालक या अतिरिक्त आयुक्त का पद धारण कर चुका हो या (ख) कम से कम तीन वर्षों तक उप आयुक्त का पद धारण कर चुका हो.

का उपबंध करना आवश्यक है.

अतएव मध्यप्रदेश वेट अधिनियम, २००२ की धारा ४ की उपधारा ( ८ ) को संशोधित किया जाना प्रस्तावित है.

२. चूंकि मामला अत्यावश्यक था तथा विधानसभा का सत्र चालू नहीं था, अतएव, मध्यप्रदेश वेट ( संशोधन ) अध्यादेश, २०२१ (क्रमाक ५ सन् २०२१ ) इस प्रयोजन के लिए प्रख्यापित किया गया था . अब उक्त अध्यादेश के स्थान पर, राज्य विधान- मण्डल का अधिनियम बिना किसी उपांतरण के लाया जाना प्रस्तावित है.

३. अतः यह विधेयक प्रस्तुत है.

जगदीश देवड़ा भोपाल :

भारसाधक सदस्य.

तारीख १२ फरवरी , २०२१ .

190( 1)

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 24 फरवरी 2021

अध्यादेश के संबंध में विवरण

मध्यप्रदेश वेट अधिनियम , २००२ की धारा ४ की उपधारा ( ८ ) के अनुसार यह अनिवार्य है कि अपील बोर्ड में एक लेखा सदस्य होना चाहिए जो मध्यप्रदेश राज्य कराधान सेवा का सदस्य रह चुका हो तथा कम से कम तीन वर्ष के लिये अतिरिक्त आयुक्त का पद या उसके समतुल्य या उच्च पद धारण कर चुका हो. वर्तमान में मध्यप्रदेश राज्य कराधान सेवा से कोई पात्र सदस्य नहीं है. निकट भविष्य में भी पात्र सदस्यों के मिलने की संभावना कम है, अतः अपील बोर्ड में लेखा सदस्य के लिये पात्रता, तीस वर्ष तक मध्यप्रदेश राज्य कराधान सेवा का सदस्य रह चुका हो , और ( क ) संचालक या अतिरिक्त आयुक्त का पद धारण कर चुका हो या ( ख ) कम से कम तीन वर्षों तक उपायुक्त का पद धारण कर चुका हो , का उपबंध करना आवश्यक हो गया था.

चूंकि मामला अत्यावश्क था तथा विधान सभा का सत्र चालू नहीं था, अतएव , उपरोक्त प्रयोजन को पूरा करने के उद्देश्य से मध्यप्रदेश वेट ( संशोधन ) अध्यादेश , २०२१ ( क्रमांक ५ सन् २०२१ ) प्रख्यापित किया गया.

ए. पी. सिंह प्रमुख सचिव मध्यप्रदेश विधान सभा.

नियंत्रक, शासकीय मुद्रण तथा लेखन सामग्री, मध्यप्रदेश द्वारा शासकीय केन्द्रीय मुद्रणालय , भोपाल से मुद्रित तथा प्रकाशित- 2021 .

Cite this issue. Madhya Pradesh Gazette, Government of Madhya Pradesh, 24 February 2021. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gazette.madhya.2021-02-24.95.Extraordinary/. Archive identifier in.gazette.madhya.2021-02-24.95.Extraordinary.