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मध्यप्रदे श शासन
सत्यमेव जयते
मध्यप्रदेश राजपत्र
(असाधारण )
प्राधिकार से प्रकाशित
भोपाल , मंगलवार, दिनांक 1 नवम्बर 2022 कार्तिक 10, शक 1944
क्रमांक 580]
विधि और विधायी कार्य विभाग
भोपाल , दिनांक 1 नवम्बर 2022
क्र. 16301-278- इक्कीस अ-( प्रा. ) .- भारत के संविधान के अनुच्छेद 213 के अधीन मध्यप्रदेश के राज्यपाल द्वारा प्रख्यापित किया गया निम्नलिखित अध्यादेश सर्वसाधारण की जानकारी हेतु प्रकाशित किया जाता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, राजेश यादव , अतिरिक्त सचिव.
1159 मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 1 नवम्बर 2022
1160
मध्यप्रदेश अध्यादेश
क्रमांक ६ सन् २०२२
मध्यप्रदेश नगरपालिक विधि ( संशोधन ) अध्यादेश , २०२२
[ " मध्यप्रदेश राजपत्र ( असाधारण ) " में दिनांक १ नवम्बर, २०२२ को प्रथमबार प्रकाशित किया गया. ]
भारत गणराज्य के तिहत्तरवें वर्ष में राज्यपाल द्वारा प्रख्यापित किया गया.
मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम , १ ९ ५६ तथा मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, १ ९ ६१ को और संशोधित करने हेतु अध्यादेश.
यतः , राज्य के विधान- मंडल का सत्र चालू नहीं है और मध्यप्रदेश के राज्यपाल का यह समाधान हो गया है कि ऐसी परिस्थितियां विद्यमान हैं, जिनके कारण यह आवश्यक हो गया है कि वे तुरंत कार्रवाई करें;
अतएव , भारत के संविधान के अनुच्छेद २१३ के खण्ड ( १ ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, मध्यप्रदेश के राज्यपाल निम्नलिखित अध्यादेश प्रख्यापित करते हैं:-
संक्षिप्त नाम.
१. इस अध्यादेश का संक्षिप्त नाम मध्यप्रदेश नगरपालिक विधि ( संशोधन ) अध्यादेश , २०२२ है.
मध्यप्रदेश अधि-
२. इस अध्यादेश के प्रतर्वित रहने की कालावधि के दौरान, मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम , १ ९ ५६ ( क्रमांक २३ सन् १ ९५६ ) तथा मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, १ ९ ६१ ( क्रमांक ३७ सन् १ ९ ६१ ) धारा ३ तथा ४ में विनिर्दिष्ट संशोधनों के अध्यधीन रहते हुए प्रभावी होंगे .
सन् १ ९ ५६ तथा अधिनियम क्रमांक
नियम क्रमांक २३ ३७ सन् १ ९६१ का अस्थायी रूप से संशोधित किया जाना.
भाग -एक
मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, १ ९ ५६ ( क्रमांक २३ सन् १ ९ ५६ ) का संशोधन
३. मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, १ ९ ५६ ( क्रमांक २३ सन् १ ९ ५६ ) में, धारा ३५८ के स्थान पर, निम्नलिखित धारा स्थापित की जाए, अर्थात्ः-
" ३५८. मवेशियों अथवा अन्य पशुओं को सार्वजनिक सड़कों अथवा स्थानों पर खुला छोड़ना अथवा बांधना. - जो कोई भी जानबूझकर अथवा उपेक्षापूर्वक किसी मवेशी अथवा अन्य पशु को सार्वजनिक सड़क अथवा स्थान पर खुला छोड़ता है अथवा बांधता है, जिसके कारण किसी व्यक्ति को क्षति होती है या संपत्ति को नुकसान होता है या लोक यातायात को बाधा पहुंचती है या संकटापन्न होता है या लोक न्यूसेंस कारित होता है, तो वह, राज्य सरकार द्वारा विहित जुर्माने से, जो एक हजार रुपये से अधिक का नहीं होगा , दंडनीय होगा. ".
भाग-दो
मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम , १ ९ ६१ ( क्रमांक ३७ सन् १ ९ ६१ ) का संशोधन
४. मध्यप्रदेश नगरपालिका अधिनियम, १ ९ ६१ ( क्रमांक ३७ सन् १ ९ ६१ ) में, धारा २५४ के स्थान पर, निम्नलिखित धारा स्थापित की जाए, अर्थात्ः-
" २५४. मवेशियों अथवा अन्य पशुओं को सार्वजनिक सड़कों अथवा स्थानों पर खुला छोड़ना अथवा बांधना. - जो कोई भी जानबूझकर अथवा उपेक्षापूर्वक किसी मवेशी अथवा अन्य पशु को, 1160 ( 1 )
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 1 नवम्बर 2022
सार्वजनिक सड़क अथवा स्थान पर खुला छोड़ता है अथवा बांधता है, जिसके कारण किसी व्यक्ति को क्षति होती है या संपत्ति को नुकसान होता है या लोक यातायात को बाधा पहुंचती है या संकटापन्न होता है या लोक न्यूसेंस कारित होता है , तो वह, राज्य सरकार द्वारा विहित ऐसे जुर्माने से, जो एक हजार रुपये से अधिक का नहीं होगा, दंडनीय होगा. ".
भोपाल :
तारीख २८ अक्टूबर, २०२२
मंगुभाई छ. पटेल राज्यपाल, मध्यप्रदेश .
भोपाल , दिनांक 1 नवम्बर 2022
क्र. 16301-278 - इक्कीस-अ-( प्रा. ) .- भारत के संविधान के अनुच्छेद 348 के खण्ड ( 3 ) के अनुसरण में मध्यप्रदेश नगरपालिक विधि ( संशोधन ) अध्यादेश , 2022 ( क्रमांक 6 सन् 2022 ) का अंग्रेजी अनुवाद राज्यपाल के प्राधिकार से एतद्वारा प्रकाशित किया जाता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, राजेश यादव , अतिरिक्त सचिव,
MADHYA PRADESH ORDINANCE
No. 6 OF 2022
THE MADHYA PRADESH NAGAR PALIK VIDHI ( SANSHODHAN ) ADHYADESH , 2022
[" First published in the "Madhya Pradesh Gazette ( Extra - ordinary) " , dated the 1st November, 2022. ]
Promulgated by the Governor in the seventy - third year of the Republic of India .
An Ordinance further to amend the Madhya Pradesh Municipal Corporation Act , 1956 and the Madhya Pradesh Municipalities Act , 1961 .
WHEREAS , the State Legislature is not in session and the Governor of Madhya Pradesh is satisfied that circumstances exist which render it necessary for him to take immediate action ;
NOW, THEREFORE , in exercise of the powers conferred by clause ( 1 ) of article 213 of the Constitution of India , the Governor of Madhya Pradesh is pleased to promulgate the following Ordinance : -
1. This Ordinance may be called the Madhya Pradesh Nagarpalik Vidhi ( Sanshodhan ) Adhyadesh , 2022. Short title .
2. During the period of operation of this Ordinance , the Madhya Pradesh Municipal Corporation Act, 1956 ( No. 23 of 1956 ) and the Madhya Pradesh Municipalities Act , 1961 (No. 37 of 1961 ) shall have effect subject to the amendments specified in Sections 3 and 4.
Madhya Pradesh Act No. 23 of 1956 and Act No. 37 of 1961 to be temporarily amended .
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 1 नवम्बर 2022
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PART- I
AMENDMENT TO THE MADHYA PRADESH MUNICIPAL CORPORATION ACT, 1956 (NO . 23 OF 1956 )
3. In the Madhya Pradesh Municipal Corporation Act, 1956 (No. 23 of 1956), for Section 358 , the following Section shall be substituted, namely:-
"358. Letting loose or tethering cattle or other animals at public street or place.- Whosoever wilfully or negligently lets loose or tethers cattle or other animal at any public street or place , so as to cause injury to any person , or damage property, or obstruct or endanger the public traffic, or cause public nuisance , shall be punishable with fine as may be prescribed by the State Government , not exceeding one thousand rupees . " .
PART- II
AMENDMENT TO THE MADHYA PRADESH MUNICIPALITIES ACT, 1961 (NO . 37 OF 1961 )
4. In the Madhya Pradesh Municipalities Act , 1961 (No. 37 of 1961 ) , for Section 254 , the following Section shall be substituted, namely:-
"254. Letting loose or tethering cattle or other animals at public street or place.- Whosoever wilfully or negligently lets loose or tethers cattle or other animal at any public street or place , so as to cause injury to any person , or damage property, or obstruct or endanger the public traffic , or cause public nuisance , shall be punishable with such fine as may be prescribed by the State Government , not exceeding one thousand rupees. " .
MANGUBHAI C. PATEL BHOPAL :
Dated , the 28th October , 2022
Governor , Madhya Pradesh .
नियंत्रक, शासकीय मुद्रण तथा लेखन सामग्री, मध्यप्रदेश द्वारा शासकीय केन्द्रीय मुद्रणालय, भोपाल से मुद्रित तथा प्रकाशित- 2022 .