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Madhya Pradesh Gazette · Government of Madhya Pradesh

राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश, 2022...

Published 20 January 2026

Department
राज्य निर्वाचन आयोग
Type
Extraordinary
Gazette no.
15
Identifier
in.gazette.madhya.2026-01-20.15.Extraordinary
Languages
English, Hindi
Published at
Original source ↗

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ध्य प्रदेश

शास

मध्यप्रदेश राजपत्र

(असाधारण )

प्राधिकार से प्रकाशित

भोपाल , मंगलवार, दिनांक 20 जनवरी 2026-पौष 30, शक 1947

क्रमांक 15]

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग

"निर्वाचन भवन "

58 , अरेरा हिल्स, भोपाल-462 011

भोपाल , दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह / २१ :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क" के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्रांधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र.राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई , 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला-भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में इमाम खॉ एडवोकेट वार्ड क्रमांक-01 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी इमाम खॉ एडवोकेट वार्ड क्रमांक -01 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला-भोपाल के पास दाखिल करना था ।

29 30

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क ) के अनुसार अभ्यर्थी इमाम खॉ एडवोकेट वार्ड क्रमांक-01 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी इमाम खॉ एडवोकेट वार्ड क्रमांक-01 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । "अभ्यर्थी द्वारा बैंक खाता नहीं खोला गया और ना ही प्रोफार्मा " ग " में जानकारी प्रस्तुत की गई । 5000 से अधिक का भुगतान नगद किया गया गया । बिना हस्ताक्षर के वाहउचर प्रस्तुत किये गये । कारण बताओ सूचना पत्र के संबंध में अभ्यर्थी से अभ्यावेदन अप्राप्त । इमाम खॉ एडवोकेट वार्ड क्रमांक-01 के विरूद्व मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग " के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही ० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, इमाम खॉ एडवोकेट वार्ड क्रमांक-01 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना- पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी इमाम खॉ एडवोकेट वार्ड क्रमांक-01 को सूचना पत्र प्राप्त होने के उपरांत वे जिला- कार्यालय भोपाल में उपस्थित हुए किन्तु उनके द्वारा निर्वाचन व्यय लेखा पूर्ण रूप से दाखिल किया गया एवं इस संबंध में कोई दस्तावेज व प्रमाण उपलब्ध नहीं कराये गये ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अभ्यर्थी द्वारा अपना निर्वाचन व्यय लेखा अपूर्ण दाखिल किया गया है ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी इमाम खॉ एडवोकेट वार्ड क्रमांक-01 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम , 1956 की धारा 14 " ग " के उपबंधों सहपठित म.प्र . नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम , 11 -'क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला-भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 02 (दो) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार,

हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(1)

भोपाल , दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

कमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /30 :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क" के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो , पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 "ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 मं. प्र.राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई, 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में बेनी प्रसाद मीना वार्ड क्रमांक-01 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी बेनी प्रसाद मीना वार्ड क्रमांक -01 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी बेनी प्रसाद मीना वार्ड क्रमांक-01 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया एवं नया बैंक खाता भी नहीं खोला गया है ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला-भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी बेनी प्रसाद मीना वार्ड क्रमांक-01 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(2)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक 354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । "कारण बताओ नोटिस के संबंध में अभ्यावेदन अप्राप्त है । अभ्यर्थी द्वारा नया बैंक खाता नहीं खोला गया है और ना ही प्रोफार्मा " ग " में जानकारी प्रस्तुत की गई, इनके द्वारा 5000/- से अधिक राशि नगद प्रदाय की गई है । प्रिन्टर्स को 19,478/- एवं प्रचार वाहन जावेद खान और नरेन्द्र पाण्डे को 20,000/- नगद भुगतान किया गया है । अभ्यर्थी श्री बेनी प्रसाद मीना वार्ड क्रमांक -01 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग" के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, बेनी प्रसाद मीना वार्ड क्रमांक -01 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना- पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र कमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

जिला कार्यालय के पत्र कमांक-09 / 12 / 2025 में दिनांक 9/10/2025 की व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना पत्र बैनी प्रसाद मीना के बेटे ने प्राप्त किया ।

8. अभ्यर्थी बेनी प्रसाद मीना वार्ड क्रमांक-01 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुए एवं अनुपस्थिति संबंधी अभ्यावेदन प्राप्त हुआ ।

9 निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु पुनः अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 11 नवंबर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही०सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 27 नवंबर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

10 अभ्यर्थी बैनी प्रसाद मीना वार्ड कमांक 1 सुनवाई के दौरान उपस्थित नहीं हुए एवं कले० भोपाल के पत्र दिनांक 9/12/2025 द्वारा अभ्यर्थी बैनी प्रसाद मीना वार्ड कमांक -1 प्रकरण का परीक्षण कर लेख किया है कि दिनांक 9/10/2025 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना पत्र बैनी प्रसाद मीना के बेटे ने प्राप्त किया तदुपरांत अनुपस्थित रहे ओर ना ही अभ्यावेदन प्रस्तुत किया गया । इनके द्वारा नया बैंक खाता नहीं खोला गया है और ना ही प्रोफार्मा " ग " में जानकारी प्रस्तुत की गई इनके द्वारा 5000 / - अधिम राशि नगद प्रदाय की गई है । प्रिंटर्स को 19478/- एवं प्रचार वाहन श्री जावेद खान और नरेद्र पाण्डे को 20,000 / - भुगतान किया गया । विश्वकर्मा प्रिंटस के व्हाउचर प्रस्तुत किये गये है । अतः बैनी प्रसाद मीना वार्ड क्रमांक -1 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम , 1956 की धारा- 14-ग के तहत निरर्हित किये जाने की अनुशंसा की गई है ।

11 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अभ्यर्थी द्वारा अपने निर्वाचन व्यय लेखा अपूर्ण दाखिल किया गया है ।

12 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी बेनी प्रसाद मीना वार्ड कमांक-01 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम , 11 -'क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 02 (दो) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह)

सचिव, मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(3)

भोपाल, दिनांक 20 जनवरी 2026

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /31 :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क " के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म . प्र.राजपत्र (असाधारण ) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।.

3. माह जुलाई , 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला - भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में भागवती बाई वार्ड क्रमांक-01 की पार्षद पद की अभ्यर्थी थी । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी भागवती बाई वार्ड क्रमांक-01 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला - भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट - छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी भागवती बाई वार्ड क्रमांक-01 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी भागवती बाई वार्ड कमांक -01 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(4)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " अभ्यर्थी की सहमति से नोटिस उनकी पुत्री के द्वारा प्राप्त किया गया उनके द्वारा अभ्यावेदन कार्यालय में जमा नहीं किया गया तथा प्रोफार्मा ' ग " में जानकारी प्रस्तुत नहीं की गई । 5,000/- से अधिक राशि नगद प्रदाय की गई है । अभ्यर्थी द्वारा दि. 23 जून 2022 एवं 06 जुलाई 2022 तक चाय नाश्ते के लिए कुल राशि रु 69,320 /- का भुगतान किया गया किन्तु संस्था का नाम अंकित नहीं है और ना ही व्हाउचर प्रस्तुत किये गये । वाहन प्रचार प्रसार हेतु 29,400/- का भुगतान किया । अतः अभ्यर्थी भगवती बाई वार्ड क्रमांक-01 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम * अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग" के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, भागवती बाई वार्ड क्रमांक-01 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना - पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी भागवती बाई वार्ड क्रमांक-01 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुई एवं ना ही अपनी अनुपस्थिति के संबंध अपना अभ्यावेदन दिया ।

9. निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु पुनः अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 11 नवंबर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 27 नवंबर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

10 अभ्यर्थी भागवती बाई वार्ड क्रमांक-01 सुनवाई के दौरान उपस्थित नहीं हुई एवं कले० भोपाल के पत्र दिनांक 9/12/2025 द्वारा अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो का परीक्षण कर लेख किया गया है कि अभ्यर्थी द्वारा अभ्यावेदन इस कार्यालय में जमा नहीं किया गया तथा प्रोफार्मा " ग " में जानकारी प्रस्तुत नहीं की गई है 5000 / - से अधिक राशि व्यय की गई है । अभ्यर्थी द्वारा दिनांक 23/06/2022 से 06/07/2022 तक चाय नाश्ते के लिऐ कुल राशि रूपये 69,320/- का भुगतान किया गया किन्तु संस्था का नाम अंकित नहीं है और ना ही व्हाउचर प्रस्तुत किये गये है । वाहन प्रचार प्रसार हेतु 29,400 /- का भुगतान किया गया अतः भागवती बाई वार्ड क्रमांक-01 विरूद्ध नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा- 14-ग के तहत निरर्हित किये जाने की अनुशंसा की गई है ।

11 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के * उपरांत भी अभ्यर्थी द्वारा अपना निर्वाचन व्यय लेखा अपूर्ण दाखिल किया गया है ।

12 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी भागवती बाई वार्ड क्रमांक -01 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग " के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला-भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 02 (दो) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य ) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव, मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(5)

भोपाल , दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

कमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /32 :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा-14 " क " के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म. प्र. राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई , 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला - भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में कैलाश वल्ले वार्ड क्रमांक-1 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17--07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी कैलाश वल्ले वार्ड कमांक-1 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला--भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी कैलाश वल्ले वार्ड क्रमांक-1 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी कैलाश वल्ले वार्ड क्रमांक -1 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(6)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " अभ्यर्थी का सूचना पत्र उनकी पुत्र वधू के द्वारा प्राप्त किया गया । उनके द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया है प्रारूप " ग " पर जानकारी नही भरी गई । बैंक स्टेटमेंट प्रस्तुत नहीं किया गया । 5000 / - से अधिक राशि नगद प्रदाय की गई है । अतः अभ्यर्थी कैलाश वल्ले वार्ड क्रमांक-1 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग" के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है । "

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही ०सी ० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, कैलाश वल्ले वार्ड क्रमांक -1 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना-पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला-भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी कैलाश वल्ले वार्ड क्रमांक-1 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुए । ना ही उनकी अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन प्राप्त हुआ ।

9. निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु पुनः अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 11 नवंबर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 27 नवंबर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

10 अभ्यर्थी कैलाश वल्ले वार्ड क्रमांक-1 व्ही० सी० में उपस्थित हुए लेकिन निर्वाचन व्यय दाखिल करने संबंधी दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराये गये एवं कले० भोपाल के पत्र दिनांक 9/12/2025 इनके निर्वाचन व्यय लेखो का पुनः परीक्षण कर अभ्यर्थी के विरूद्ध नगरपालिक निगम अधिनियम , 1956 की धारा - 14- ग के तहत निरर्हित किये जाने की अनुशंसा की गई है ।

11 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अभ्यर्थी द्वारा अपना निर्वाचन व्यय लेखे अपूर्ण दाखिल किया गया है ।

12 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी कैलाश वल्ले वार्ड क्रमांक-1 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला-भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 02 (दो) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य ) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(7)

भोपाल, दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022/ ग्यारह/33

:: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क" के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा- या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म. प्र.राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई, 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला-भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में कमल सिंह मीना वार्ड क्रमांक-1 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08--2022 तक अभ्यर्थी कमल सिंह मीना वार्ड क्रमांक-1 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला-भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट-छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी कमल सिंह मीना वार्ड कमांक-1 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला-भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी कमल सिंह मीना वार्ड क्रमांक-1 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " अभ्यर्थी का नोटिस उनके पुत्र भानुप्रताप के द्वारा उनकी सहमति से लिया गया किन्तु उनके द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया । नया बैंक खाता नहीं खोला गया । इनके द्वारा कुल 2850/- रूपये खर्चे किये गये है । प्रारूप " ख " एवं " ग" नही भरा गया प्रतिभूति राशि और शपथ- पत्र में राशि खर्च की है । अतः अभ्यर्थी कमल सिंह मीना वार्ड क्रमांक-1 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग" के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(8)

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, कमल सिंह मीना वार्ड क्रमांक -1 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना- पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी कमल सिंह मीना वार्ड कमांक-1 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुए । ना ही उनकी अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन प्राप्त हुआ ।

9. निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु पुनः अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 11 नवंबर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 27 नवंबर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

10 अभ्यर्थी कमल सिंह मीना वार्ड कमांक-1 दिनांक 27/11/2025 की व्यक्तिगत सुनवाई में उपस्थित हुए किन्तु उनके द्वारा निर्वाचन व्यय लेखे संबंधी कोई दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराये एवं कले० भोपाल के पत्र दिनांक 9/12/2025 द्वारा इनके निर्वाचन व्यय लेखो का पुनः परीक्षण कर उल्लेख किया गया है कि दिनांक 9/10/2025 को व्यक्तिगत सुनवाई में उपस्थित होने हेतु जारी सूचना पत्र कमल सिंह मीना के पुत्र वंश मीणा द्वारा प्राप्त किया गया अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे ओर ना ही कोई अभ्यावेदन प्रस्तुत किया गया । इनके द्वारा नया बैंक खाता नहीं खोला गया है इनके द्वारा कुल 2,850 /- रू खर्चे किये गये है । प्रारूप "ख " एवं " ग " नहीं भरा गया प्रतिभूति राशि और शपथ- पत्र में राशि खर्च की है । अतः अभ्यर्थी कमल सिंह मीना वार्ड क्रमांक-1 के विरूद्ध नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा-14-ग के तहत निरर्हित किये जाने की अनुशंसा की गई है ।

11 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अभ्यर्थी द्वारा अपने निर्वाचन व्यय लेखे अपूर्ण दाखिल किये गये है ।

12 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी कमल सिंह मीना वार्ड कमांक-1 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला - भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 02 (दो) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य ) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार , हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(9)

भोपाल, दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 /2022 / ग्यारह /34

:: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क" के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने , नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म. प्र.राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई, 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला-भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में शीलेन्द्र सोनू तोमर वार्ड कमांक-02 के पार्षद पद की अभ्यर्थी थी । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी शीलेन्द्र सोनू तोमर वार्ड क्रमांक-02 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी शीलेन्द्र सोनू तोमर वार्ड क्रमांक-02 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय... निर्वाचन) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी शीलेन्द्र सोनू तोमर वार्ड कमांक-02 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(10)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र कमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " अभ्यर्थी का सूचना पत्र उनकी सहमति से उनके पिता के.एस तौमर को तामील कराया किन्तु अभ्यर्थी द्वारा इस कार्यालय में अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया है । ना ही नया बैंक खाता खोला गया है अभ्यर्थी द्वारा प्रोफार्मा " ग" में जानकारी प्रस्तुत नहीं की गई एवं 5,000/- से अधिक राशि का नगद भुगतान किया गया है । व्हाउचर प्रस्तुत नहीं किये गये है अतः अभ्यर्थी शीलेन्द्र सोनू तोमर वार्ड क्रमांक-2 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग" के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, शीलेन्द्र सोनू तोमर वार्ड क्रमांक-02 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना- पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र कमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी शीलेन्द्र सोनू तोमर वार्ड कमांक-02 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुए । ना ही उनकी अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन प्राप्त हुआ ।

9. निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु पुनः अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 11 नवंबर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही०सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 27 नवंबर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

10 अभ्यर्थी शीलेन्द्र सोनू तोमर वार्ड कमांक-02 दिनांक 27/11/2025 की व्यक्तिगत सुनवाई में उपस्थित हुई किन्तु उनके द्वारा निर्वाचन व्यय लेखे से संबंधित कोई दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराये एवं इस पर कले० भोपाल के पत्र दिनांक 9/12/2025 द्वारा अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो का जमा रिकार्ड अनुसार पुनः परीक्षण कर उल्लेख किया गया है " कि दिनांक 09/10/2025 को व्यक्तिगत सुनवाई में उपस्थित होने हेतु जारी सूचना पत्र अभ्यर्थी द्वारा प्राप्त किये जाने के उपरांत अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे और ना ही कोई अभ्यावेदन प्रस्तुत किया गया । इनके द्वारा नया बैंक खाता नहीं खोला गया एवं प्रोफार्मा " ग" में जानकारी प्रस्तुत नहीं की गई 5000 /- से अधिक राशि का नगद भुगतान किया गया है । यादव होटल को 26,460/ -का भुगतान एवं सांई प्रिटर्स को 16600/- का नगद भुगतान किया गया है । व्हाउचर प्रस्तुत नहीं किये गये है । अतः अभ्यर्थी शीलेन्द्र सोनू तौमर वार्ड क्रमांक-2 के विरूद्ध नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा-14-ग के तहत निरर्हित किये जाने की अनुशंसा की जाती है" ।

11 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अभ्यर्थी द्वारा अपने निर्वाचन व्यय लेखे अपूर्ण दाखिल किये गये है ।

12 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी शीलेन्द्र सोनू तोमर वार्ड क्रमांक-02 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 "ग " के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 02 (दो) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य ) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(11)

भोपाल, दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह / 35

:: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क" के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी" निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म. प्र. राजपत्र (असाधारण ) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई, 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला - भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में रजनी डॉ बी.एल. सुमन वार्ड कमांक-02 की पार्षद पद की अभ्यर्थी थी । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी रजनी डॉ बी.एल. सुमन वार्ड क्रमांक-02 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला - भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला-भोपाल के पत्र कमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट - छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी रजनी डॉ बी.एल. सुमन वार्ड क्रमांक-02 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी रजनी डॉ बी.एल. सुमन वार्ड क्रमांक-02 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(12)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक -354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " "कि कारण बताओ नोटिस उनके पति द्वारा प्राप्त किया गया । उनके द्वारा व्यय लेखा प्रस्तुत किया गया किन्तु अपेक्षित रीति से दाखिल नहीं किया गया । अभ्यर्थी द्वारा व्यय लेखा रजिस्टर में लेख किया गया कि अधिकतर भुगतान नगद किया गया कुछ राशि ऑनलाईन भुगतान किया गया । आवेदिक के द्वारा नया बैंक खाता नहीं खोला गया । अतः अभ्यर्थी रजनी डॉ बी.एल. सुमन वार्ड कमांक-02 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग " के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही०सी ० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, रजनी डॉ बी.एल. सुमन वार्ड कक्रमांक-02 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना - पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र कमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी रजनी डॉ बी.एल.सुमन वार्ड क्रमांक 02 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुई । ना ही उनकी अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन प्राप्त हुआ ।

9. निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु पुनः अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 11 नवंबर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही०सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 27 नवंबर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

10 अभ्यर्थी रजनी डॉ बी.एल. सुमन वार्ड क्रमांक-02 दिनांक 27/11/2025 की व्यक्तिगत सुनवाई में उपस्थित नही हुई । कले० भोपाल के पत्र दिनांक 9/12/2025 द्वारा अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो से संबंधित जमा रिकार्ड अनुसार पुनः परीक्षण कर लेख किया गया है कि दिनांक 9/10/2025 को व्यक्तिगत सुनवाई में उपस्थित होने हेतु जारी सूचना पत्र अभ्यर्थी द्वारा प्राप्त किये जाने के उपरांत अभ्यर्थी अनुपस्थित रही ओर ना ही इनके द्वारा कोई अभ्यावेदन प्रस्तुत किया गया । उनके द्वारा व्यय लेखा प्रस्तुत किया गया है किन्तु लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से दाखिल नहीं किया गया है अभ्यर्थी द्वारा व्यय लेखा रजिस्टर में लेख किया है कि अधिकतर भुगतान नगद किया गया है नया बैंक खाता नहीं खोला गया है । अतः अभ्यर्थी रजनी डॉ बी.एल. सुमन वार्ड कमांक-02 के विरूद्ध नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा- 14- ग के तहत निरर्हित किये जाने की अनुशंसा की गई है ।

11 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अभ्यर्थी द्वारा अपने निर्वाचन व्यय लेखा अपूर्ण दाखिल किया गया है ।

12 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी रजनी डॉ बी.एल. सुमन वार्ड क्रमांक-02 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम , 1956 की धारा 14 " ग " के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम , 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 02 (दो) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार , हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(13)

भोपाल, दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

कमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /36

:: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क " के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म . प्र. राजपत्र (असाधारण ) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई, 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में कन्हैया लाल इसरानी वार्ड क्रमांक-04 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी कन्हैया लाल इसरानी वार्ड क्रमांक-04 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला-भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी कन्हैया लाल इसरानी वार्ड क्रमांक-04 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी कन्हैया लाल इसरानी वार्ड क्रमांक-04 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक--354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " कन्हैया लाल ईसरानी वार्ड क्रमांक-04 नोटिस तामीली उपरांत अभ्यर्थी के द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया है प्रारूप " ग" नहीं भरा गया है नया बैंक खाता नहीं खोला गया है । 5,000/- से अधिक का नगद भुगतान एक ही संस्था को किया गया है । चंचल स्वीटस को निर्वाचन के दौरान 12,630/ - एवं लालवानी प्रिटिंग प्रेस को 36,225/ - का भुगतान किया गया है । सादे कागज पर बिल दिया गया है । अभ्यर्थी कन्हैया लाल ईसरानी वार्ड क्रमांक-04 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग" के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की /है" ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(14)

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही०सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरूवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7 . अभ्यर्थी, कन्हैया लाल ईसरानी वार्ड क्रमांक-04 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना-पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला-भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी कन्हैया लाल ईसरानी वार्ड कमांक -04 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के 'उपरांत भी वे जिला कार्यालय भोपाल में उपस्थित नही हुए ना ही अपनी अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन उपलब्ध कराया ।

yor : 9: अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु पुनः अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 11 नवंबर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो/ प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 27 नवंबर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

10 अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक तामीली उपरांत अभ्यर्थी कन्हैयालाल इसरानी वार्ड क्रमांक-04 दिनांक 27/11/2025 की सुनवाई में उपस्थित हुये किन्तु इनके द्वारा निर्वाचन व्यय लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से दाखिल किया इस संबंध में कोई दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराये । आयोग द्वारा जिला कार्यालय भोपाल को रिकार्ड अनुसार अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखे के संबंध में जाचं कर स्पष्ट अभिमत दिये जाने के निर्देश हुये ।

11 कले ० भोपाल के पत्र दिनांक 09/12/2025 में सुनवाई उपरांत अभ्यर्थी के द्वारा जमा किये दस्तावेज का परीक्षण कर उल्लेख किया गया है कि दिनांक 9/10/2025 को व्यक्तिगत सुनवाई में लपस्थित होने हेतु जारी सूचना पत्र अभ्यर्थी द्वारा प्राप्त किये जाने के उपरांत अनुपस्थित और ना ही इनके द्वारा कोई अभ्यावेदन प्रस्तुत किया गया । प्रारूप " ग" नहीं भरा गया है नया बैंक खाता नहीं खोला गया है । 5000/- से अधिक का नगद भुगतान एक ही संस्था को किया गया है । चचंल स्वीट्स को निर्वाचन के दौरान 12630/- एवं लालवानी प्रिटिंग प्रेस को 36225/ - का भुगतान किया गया है सादे कागज पर बिल दिया गया है अतः अभ्यर्थी कन्हैया लाल ईसरानी तार्ड कमांक-04 के विरूद्ध नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा - 14-ग तहत निरर्हित किये जाने की अनुशंसा की जाती है ।

12 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अभ्यर्थी द्वारा अपने निर्वाचन व्यय लेखे अपूर्ण दाखिल किये गये है ।

13 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए प्रभ्यर्थी कन्हैया लाल ईसरानी वार्ड क्रमांक-04 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -'क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 02 (दो) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव, मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(15)

भोपाल , दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

कमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /37

:: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा-14 " क " के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म. प्र.राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई , 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला - भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में जेबा वार्ड क्रमांक-14 के पार्षद पद की अभ्यर्थी थी । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी जेबा वार्ड क्रमांक -14 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला-भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी जेबा वार्ड क्रमांक -14 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन ) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी जेबा वार्ड क्रमांक-14 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(16)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र कमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " जेबा वार्ड क्रमांक-14 कारण बताओ नोटिस अभ्यर्थी द्वारा स्वंय प्राप्त किया गया । अभ्यावेदन अप्राप्त है । व्यय लेखा प्रस्तुत किया गया है । किन्तु प्रपत्र " ग" में जानकारी प्रस्तुत नहीं की गई है । 5,000 / - से अधिक नगद राशि खर्च की गई है । फलेक्स झण्डे बैनर के 5,288 / - फोटोकॉपी के 11,060 / - टेन्ट टेबल कुर्सी आदि का किराया 19,530/ - चाय पानी एवं नाश्ता 11,165/- का नगद भुगतान किया गया । बैंक पासबुक प्रस्तुत नहीं । अतः अभ्यर्थी जेबा वार्ड क्रमांक-14 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग" के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है " ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही०सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, जेबा वार्ड कमांक-14 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना - पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला - भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी जेबा वार्ड क्रमांक 14 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला कार्यालय भोपाल में उपस्थित नही हुई और ना ही अपनी अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन उपलब्ध कराया ।

9. अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु पुनः अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 11 नवंबर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही०सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 27 नवंबर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

10 अभ्यर्थी , जेबा वार्ड क्रमांक-14 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना-पत्र की तामीली कलेक्टर जिला - भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी किन्तु अभ्यर्थी उपस्थित नहीं हुई और ना ही इनकी अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन प्राप्त हुआ ।

11 व्यक्तिगत सुनवाई उपरांत कले० भोपाल से प्राप्त प्रतिवेदन दिनांक 09/12/2025 में उल्लेख किया गया है दि० 9/10/2025 को व्यक्तिगत सुनवाई में उपस्थित होने हेतु जारी सूचना पत्र रिश्तेदार द्वारा प्राप्त किये जाने के उपरांत अभ्यर्थी अनुपस्थित और ना ही इनके द्वारा कोई अभ्यावेदन प्रस्तुत किया गया । व्यय लेखा प्रस्तुत किया गया है किन्तु प्रपत्र ग में जानकारी प्रस्तुत नही की गई । 5000 / - से अधिक की नगद राशि खर्चे की गई है । फलेक्स , झण्डे, बैनर के 5288/ - फोटोकॉपी के 11060 / - टेन्ट , टेबज कुसी आदि का किराया 19,530,19,530 / - चाय , पानी , नाश्ता 11,165 /- का नगद भुगतान किया गया । बैंक पास बुक प्रस्तुत नहीं । अभ्यर्थी - जेबा वार्ड कमांक-14 के विरूद्ध नगरपालिक निगम अधिनियम , 1956 की धारा 14 " ग " के तहत निरर्हित किये जाने की अनुशंसा की जाती है ।

12 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अभ्यर्थी द्वारा अपने निर्वाचन व्यय लेखे अपूर्ण दाखिल किये गये है ।

13 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी जेबा वार्ड क्रमांक 14 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम , 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम , 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 02 (दो) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार,

हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(17)

भोपाल , दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /38

:: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क " के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म. प्र.राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई , 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में सना आरिफ अहमद वार्ड क्रमांक-23 के पार्षद पद की अभ्यर्थी थी । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी सना आरिफ अहमद वार्ड क्रमांक-23 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला-भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी सना आरिफ अहमद वार्ड कमांक-23 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन ) जिला-भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी सना आरिफ अहमद वार्ड क्रमांक-23 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र कमांक -354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " सना आरिफ अहमद वार्ड क्रमांक-23 कारण बताओ नोटिस अभ्यर्थी द्वारा स्वंय प्राप्त किया गया अभ्यावेदन अप्राप्त । मूल व्यय लेखा रजिस्टर प्रस्तुत नहीं किया गया । प्रारूप क एवं व्हाउचर की छायाप्रति प्रस्तुत अतः अभ्यर्थी जेबा वार्ड क्रमांक 14 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम /अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग " के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(18)

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी , सना आरिफ अहमद वार्ड कमांक-23 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना - पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक -389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी सना आरिफ अहमद वार्ड क्रमांक-23 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत उनके पति प्राधिकृत पत्र के साथ उपस्थित हुए । किन्तु उनके द्वारा निर्वाचन व्यय लेखा संबंधी कोई दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराये गये ।

9. उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अभ्यर्थी द्वारा अपने निर्वाचन व्यय लेखे अपूर्ण दाखिल किये गये है ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी सना आरिफ अहमद वार्ड क्रमांक-23 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग " के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम , 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला - भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 02 (दो) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(19)

भोपाल, दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /39

की धारा -14 " क " के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा । :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र.राजपत्र (असाधारण ) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई , 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला - भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में श्रीमति बंसती बाई रघुवीर प्रसाद वार्ड क्रमांक-03 की पार्षद पद की अभ्यर्थी थी । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 "ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी श्रीमति बंसती बाई रघुवीर प्रसाद को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला -भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी श्रीमति बंसती बाई रघुवीर प्रसाद द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोंग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन ) जिला - भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी श्रीमति बंसती बाई रघुवीर प्रसाद वार्ड कमांक-03 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(20)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " सूचना पत्र अभ्यर्थी की सहमति से उनके पति को तामील कराया गया किन्तु उनके द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया और ना ही इनके द्वारा व्यय लेखा प्रस्तुत किया गया है । आवेदिका बंसती बाई के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग " के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है " ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो/ प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही०सी ० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 ( गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, श्रीमति बंसती बाई रघुवीर प्रसाद वार्ड क्रमांक -03 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना - पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला - भोपाल के पत्र क्रमांक -389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी श्रीमति बंसती बाई रघुवीर प्रसाद को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला- कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुई और ना ही उनकी ओर से इस अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन आदि आयोग को प्राप्त हुआ है ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अपने निर्वाचन व्यय लेखे प्रस्तुत नहीं किये गये ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी श्रीमति बंसती बाई रघुवीर प्रसाद वार्ड क्रमांक-03 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम , 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -'क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 05 (पाँच) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार , हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव, मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(21)

भोपाल , दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह / 40 :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क" के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो , पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र.राजपत्र (असाधारण ) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई, 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में समीर खान वार्ड क्रमांक-12 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी समीर खान को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी समीर खान वार्ड कमांक-12 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी समीर खान वार्ड क्रमांक-12 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(22)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " नोटिस अभ्यार्थी के द्वारा प्राप्त किया किन्तु उनके द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया इनके द्वारा व्यय लेखा स्मरण पत्र जारी करने के उपरांत भी प्रस्तुत नहीं किया गया है । अतः समीर खान वार्ड क्रमांक-12 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग " के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, समीर खान वार्ड क्रमांक -12 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना - पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी समीर खान वार्ड क्रमांक-12 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला-कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुए और ना ही उनकी ओर से इस अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन आदि आयोग को प्राप्त हुआ है ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अपने निर्वाचन व्यय लेखे प्रस्तुत नहीं किये गये ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी समीर खान वार्ड क्रमांक-12 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग " के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 05 (पॉच ) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव, मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(23)

भोपाल , दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /या

की धारा -14 " क" के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हों, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा । :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र.राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई, 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में वसीम खान वार्ड क्रमांक-12 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी वसीम खान वार्ड क्रमांक -12 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट - छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी वसीम खान वार्ड क्रमांक-12 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5.. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी वसीम खान वार्ड क्रमांक-12 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(24)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । "नोटिस अभ्यर्थी के द्वारा प्राप्त किया अभ्यर्थी के द्वारा अभ्यावेदन प्रस्तुत नहीं किया गया स्मरण पत्र जारी करने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया । अतः वसीम खान वार्ड क्रमांक-12 के विरूद्व मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग " के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी ० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, वसीम खान वार्ड क्रमांक -12 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना- पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला - भोपाल के पत्र क्रमांक -389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी वसीम खान वार्ड क्रमांक-12 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला- कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुए और ना ही उनकी ओर से इस अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन आदि आयोग को प्राप्त हुआ है ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अपने निर्वाचन व्यय लेखे प्रस्तुत नहीं किये गये ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत "नहीं, करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता अभ्यथा वैसाम खान वार्ड""वार्ड क्रमांक-12 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग " के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम , 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 05 (पाँच) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 20 जनवरी 2026

30(25)

भोपाल, दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह / ५२ :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क" के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो , पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र.राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई, 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में हरीश कुशवाहा वार्ड क्रमांक-18 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी हरीश कुशवाहा वार्ड कमांक -18 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क ) के अनुसार अभ्यर्थी हरीश कुशवाहा वार्ड क्रमांक-18 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला - भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी हरीश कुशवाहा वार्ड कमांक-18 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

A मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(26)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " कारण बताओ नोटिस अभ्यर्थी द्वारा प्राप्त किया गया किन्तु उनके द्वारा अभ्यावेदन / व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया है । अतः हरीश कुशवाहा वार्ड कमांक-18 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग" के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, हरीश कुशवाहा वार्ड क्रमांक -18 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना- पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी हरीश कुशवाहा वार्ड क्रमांक -18 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला-कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुए और ना ही उनकी ओर से इस अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन आदि आयोग को प्राप्त हुआ है ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने : के उपरांत भी अपने निर्वाचन व्यय लेखे प्रस्तुत नहीं किये गये ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी हरीश कुशवाहा वार्ड क्रमांक-18 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम , 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 05 (पाँच) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य ) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(27)

भोपाल , दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

कमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /43

की धारा -14 " क " के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो , पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा । :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र.राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई , 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में ओसाफ अली वार्ड क्रमांक -19 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिन ांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी ओसाफ अली वार्ड क्रमांक-19 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला-भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला - भोपाल के पत्र क्रमांक -1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी ओसाफ अली वार्ड कमांक-18 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन ) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी ओसाफ अली वार्ड क्रमांक -19 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(28)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है। " सूचना पत्र अभ्यर्थी द्वारा स्वयं प्राप्त किया गया अभ्यावेदन अप्राप्त व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया । अतः ओसाफ अली वार्ड क्रमांक -19 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग " के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही ०सी ० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी , ओसाफ अली वार्ड क्रमांक-19 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना- पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला - भोपाल के पत्र कमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी ओसाफ अली वार्ड क्रमांक -19 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला-कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुए और ना ही उनकी ओर से इस अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन आदि आयोग को प्राप्त हुआ है ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अपने निर्वाचन व्यय लेखे प्रस्तुत नहीं किये गये ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यथी ओसाफ अली वार्ड क्रमांक-19 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम , 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 05 (पाँच ) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(29)

भोपाल , दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /44 :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क " के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो , पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले. प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी "निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र.राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई , 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में आदिल अली खां वार्ड क्रमांक -19 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी आदिल अली खां वार्ड क्रमांक-19 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक -1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी आदिल अली खां वार्ड क्रमांक -19 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी आदिल अली खां वार्ड क्रमांक-19 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(30)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " सूचना पत्र अभ्यर्थी द्वारा स्वंय प्राप्त किया गया । अभ्यावेदन अप्राप्त व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया । प्रोफार्मा " क " की छायाप्रति प्रस्तुत की है अतः अदिल अली खॉ वार्ड क्रमांक-19 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग " के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है " ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बरं 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, आदिल अली खां वार्ड क्रमांक -19 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना- पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक -389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी आदिल अली खां वार्ड क्रमांक-19 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला - कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुए और ना ही उनकी ओर से इस अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन आदि आयोग को प्राप्त हुआ है ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अपने निर्वाचन व्यय लेखे प्रस्तुत नहीं किये गये ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी आदिल अली खां वार्ड क्रमांक-19 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र . नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम , 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 05 (पाँच ) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(31)

भोपाल, दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /45

की धारा -14 " क " के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो , पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 "ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा । :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र.राजपत्र (असाधारण ) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई, 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला - भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में महेन्द्र सिंह वार्ड क्रमांक -19 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी महेन्द्र सिंह वार्ड क्रमांक-19 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला - भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी महेन्द्र सिंह वार्ड कमांक -19 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन ) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी महेन्द्र सिंह वार्ड क्रमांक -19 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(32)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक -354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " सूचना पत्र अभ्यर्थी द्वारा स्वंय प्राप्त किया गया । अभ्यावेदन अप्राप्त व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया । अतः अभ्यर्थी महेन्द्र सिंह वार्ड क्रमांक -19 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग " के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है " ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही०सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, महेन्द्र सिंह वार्ड क्रमांक -19 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना - पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी महेन्द्र सिंह वार्ड क्रमांक -19 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला- कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुए और ना ही उनकी ओर से इस अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन आदि आयोग को प्राप्त हुआ है ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अपने निर्वाचन व्यय लेखे प्रस्तुत नहीं किये गये ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी महेन्द्र सिंह वार्ड क्रमांक-19 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला-भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 05 (पाँच) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल .

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(33)

भोपाल, दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह / 46 :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा-14 " क" के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र . राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई, 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला - भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में इमाम हुसैन वार्ड क्रमांक-22 के पार्षद पद के अभ्यर्थी थे । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी इमाम हुसैन वार्ड क्रमांक-22 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला-भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी इमाम हुसैन वार्ड कमांक-22 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला - भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी इमाम हुसैन वार्ड कमांक-22 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(34)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " सूचना पत्र अभ्यर्थी द्वारा स्वंय प्राप्त किया गया । अभ्यावेदन अप्राप्त व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया । अतः इमाम हुसैन वार्ड क्रमांक-22 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग" के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, इमाम हुसैन वार्ड क्रमांक-22 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना - पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी इमाम हुसैन वार्ड कमांक-22 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला- कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुए और ना ही उनकी ओर से इस अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन आदि आयोग को प्राप्त हुआ है ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अपने निर्वाचन व्यय लेखे प्रस्तुत नहीं किये गये ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी इमाम हुसैन वार्ड क्रमांक -22 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम , 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 05 (पाँच) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 20 जनवरी 2026

30(35)

भोपाल , दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /47 :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क " के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का , जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र .राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई , 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला-भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में रूम्याना रसीद वार्ड क्रमांक -23 की पार्षद पद की अभ्यर्थी थी । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी रूम्याना रसीद वार्ड क्रमांक-23 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला - भोपाल के पत्र कमांक -1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी रूम्याना रसीद वार्ड क्रमांक -23 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला - भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी रूम्याना रसीद वार्ड क्रमांक-23 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी ) गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

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मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

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6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक -354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " सूचना पत्र अभ्यर्थी द्वारा स्वंय प्राप्त किया गया । अभ्यावेदन अप्राप्त व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया । अतः रूम्याना रसीद वार्ड क्रमांक -23 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग" के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही०सी ० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, रूम्याना रसीद वार्ड क्रमांक -23 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना - पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला - भोपाल के पत्र क्रमांक-389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी रूम्याना रसीद वार्ड क्रमांक-23 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला - कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुई और ना ही उनकी ओर से इस अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन आदि आयोग को प्राप्त हुआ है ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अपने निर्वाचन व्यय लेखे प्रस्तुत नहीं किये गये ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी रूम्याना रसीद वार्ड क्रमांक-23 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम , 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 05 (पॉच) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य ) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग, भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

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भोपाल, दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

कमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /48 :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा -14 " क" के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने, नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो , पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा ।

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र. राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई , 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में अंजली यूनानी वार्ड क्रमांक-26 की पार्षद पद की अभ्यर्थी थी । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी अंजली यूनानी वार्ड क्रमांक-26 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला - भोपाल के पत्र क्रमांक-1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी अंजली यूनानी वार्ड क्रमांक-26 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला- भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी अंजली यूनानी वार्ड क्रमांक-26 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

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6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक -354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " सूचना पत्र अभ्यर्थी द्वारा स्वयं प्राप्त किया गया अभ्यावेदन अप्राप्त व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया । अतः अंजली यूनानी वार्ड क्रमांक -26 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग " के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, अंजली यूनानी वार्ड क्रमांक -26 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना - पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला - भोपाल के पत्र क्रमांक -389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी अंजली यूनानी वार्ड क्रमांक-26 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला-कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुई और ना ही उनकी ओर से इस अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन आदि आयोग को प्राप्त हुआ है ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अपने निर्वाचन व्यय लेखे प्रस्तुत नहीं किये गये ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी अंजली यूनानी वार्ड क्रमांक-26 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम, 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 05 (पाँच) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह) सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

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भोपाल, दिनांक 20 जनवरी 2026

आदेश

क्रमांक एफ 87-38 / 2022 / ग्यारह /49

की धारा -14 " क" के अनुसार पार्षद के निर्वाचन में भाग लेने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिये यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन संबंधी उस समस्त व्यय का, जो उसने स्वयं या उसके निर्वाचन अभिकर्ता ने , नाम निर्दिष्ट होने की तारीख से निर्वाचन के परिणाम की घोषणा की तारीख की अवधि के बीच उपगत किया हो या उपगत करने के लिए प्राधिकृत किया हो, पृथक और सही लेखा रखेगा या अपने निर्वाचन अभिकर्ता द्वारा रखवाएगा । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार पार्षद का निर्वाचन लड़ने वाले प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए यह अनिवार्य है कि वह निर्वाचन की तारीख से 30 दिनांक के अन्दर अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा अधिसूचित अधिकारी के पास दाखिल करेगा । :: मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956

2. राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी " निर्वाचन व्यय (लेखा संधारण और प्रस्तुति) आदेश 2022 म.प्र .राजपत्र (असाधारण) दिनांक 02-06-2022 में प्रकाशित हुआ है । उसमें यह निर्दिष्ट किया गया है कि निर्वाचन व्ययों का लेखा विहित अवधि में तथा विनिर्दिष्ट प्रोफार्मा में जिला निर्वाचन अधिकारी के पास दाखिल किया जाएगा ।

3. माह जुलाई , 2022 में सम्पन्न नगरपालिक निगम भोपाल जिला- भोपाल के पार्षद पद के आम निर्वाचन में नन्दा परिहार वार्ड क्रमांक-27 की पार्षद पद की अभ्यर्थी थी । इस नगरपालिक निगम के निर्वाचन का परिणाम दिनांक 17-07-2022 को घोषित हुआ । मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ख " के अनुसार निर्वाचन परिणाम की घोषणा की तारीख से 30 दिन के अन्दर अर्थात दिनांक 16-08-2022 तक अभ्यर्थी नन्दा परिहार वार्ड क्रमांक 27 को अपने निर्वाचन व्ययों का लेखा जिला निर्वाचन अधिकारी जिला- भोपाल के पास दाखिल करना था ।

4. कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी जिला - भोपाल के पत्र कमांक -1878 दिनांक 08-09-2022 के संलग्न प्रेषित परिशिष्ट- छत्तीस (क) के अनुसार अभ्यर्थी नन्दा परिहार वार्ड कमांक-27 द्वारा निर्वाचन व्ययों का लेखा विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं किया गया ।

5. आयोग के पत्र दिनांक 14 मार्च 2023 द्वारा कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन) जिला - भोपाल के माध्यम से अभ्यर्थी नन्दा परिहार वार्ड क्रमांक -27 को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया । अभ्यर्थी द्वारा कारण बताओ नोटिस तामील होने के उपरांत भी व्यय लेखा प्रस्तुत नही करने के संबंध में अपना लिखित में जबाव आयोग को प्रस्तुत नहीं किया गया । जबकि नोटिस में सभी वैधानिक पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट कर दी - गई थी । इसके उपरांत जिले को इस संबंध में सूचित किया गया था ।

मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 20 जनवरी 2026

30(40)

6. कलेक्टर भोपाल के पत्र क्रमांक-354 दिनांक 10/09/2025 में उल्लेख किया गया है । " सूचना पत्र दिये गये पते पर निवास नही करने एवं मोबाईल पर भी सम्पर्क ना होने से सूचना- पत्र अद्म तमील प्राप्त हुआ अभ्यर्थी के द्वारा व्यय लेखा प्रस्तुत नहीं किया गया है अतः नन्दा परिहार वार्ड क्रमांक-27 के विरूद्ध मध्यप्रदेश नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 14 " ग " के अंतर्गत कार्यवाही प्रस्तावित की है" ।

उक्त जानकारी आयोग को प्राप्त होने पर आयोग द्वारा अनतत्वोगत्वा न्यायहित में अभ्यर्थी के निर्वाचन व्यय लेखो के संबंध में अंतिम निर्णय लिये जाने हेतु अंतिम अवसर दिये जाने के संबंध में अभ्यर्थी को सूचना पत्र दिनांक 30 सितम्बर 2025 को जारी कर समस्त कागजातो / प्रमाणों सहित जिला कार्यालय भोपाल में व्ही० सी० के माध्यम से अपना पक्ष रखने हेतु दिनांक 09 अक्टूम्बर 2025 (गुरुवार) अपरान्ह 4:30 से 6:00 तक आहूत किया गया था ।

7. अभ्यर्थी, नन्दा परिहार वार्ड क्रमांक -27 को व्यक्तिगत सुनवाई हेतु जारी सूचना - पत्र की तामीली की पावती कलेक्टर जिला- भोपाल के पत्र कमांक -389 दिनांक 9 अक्टूबर 2025 द्वारा आयोग को व्यक्तिगत सुनवाई के पूर्व प्राप्त हो चुकी थी ।

8. अभ्यर्थी नन्दा परिहार वार्ड क्रमांक -27 को सूचना पत्र समय से प्राप्त होने के उपरांत भी वे जिला- कार्यालय भोपाल में उपस्थित नहीं हुई और ना ही उनकी ओर से इस अनुपस्थिति के संबंध में कोई अभ्यावेदन आदि आयोग को प्राप्त हुआ है ।

9 उपरोक्त से स्वयमेव स्पष्ट है कि अभ्यर्थी को पक्ष समर्थन हेतु पर्याप्त अवसर दिए जाने के उपरांत भी अपने निर्वाचन व्यय लेखे प्रस्तुत नहीं किये गये ।

10 आयोग को यह समाधान हो गया है कि उनके पास निर्वाचन व्यय लेखों को प्रस्तुत नहीं करने का कोई न्यायोचित एवं समाधानकारक कारण नहीं है ।

निर्वाचन व्यय लेखे विधि द्वारा अपेक्षित रीति से प्रस्तुत नहीं करने की इस असफलता के लिए अभ्यर्थी नन्दा परिहार वार्ड क्रमांक-27 को मध्यप्रदेश नगरपालिक निगम अधिनियम, 1956 की धारा 14 " ग" के उपबंधों सहपठित म.प्र. नगरपालिका निर्वाचन नियम 1994 के नियम , 11 -' क' के अधीन इस प्रकार चुने जाने के लिए तथा नगरपालिक निगम भोपाल जिला -भोपाल का पार्षद होने के लिए आदेश जारी होने की तिथि से 05 (पाँच) वर्ष की कालावधि के लिए निरर्हित (अयोग्य) घोषित किया जाता है ।

माननीय राज्य निर्वाचन आयुक्त के आदेशानुसार, हस्ता./- ( दीपक सिंह)

सचिव,

मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग , भोपाल.

नियंत्रक, शासकीय मुद्रण तथा लेखन सामग्री , मध्यप्रदेश द्वारा शासकीय केन्द्रीय मुद्रणालय , भोपाल से मुद्रित तथा प्रकाशित-2026.

Cite this issue. Madhya Pradesh Gazette, Government of Madhya Pradesh, 20 January 2026. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gazette.madhya.2026-01-20.15.Extraordinary/. Archive identifier in.gazette.madhya.2026-01-20.15.Extraordinary.