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शासन
सत्यमेव जयते
मध्यप्रदेश राजपत्र
प्राधिकार से प्रकाशित
भोपाल , शुक्रवार, दिनांक 27 फरवरी 2026- फाल्गुन 8 , शक 1947
क्रमांक 9 ]
विषय- सूची
भाग 1.- ( 1 ) राज्य शासन के आदेश , ( 2 ) विभाग प्रमुखों के आदेश , (3 ) उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं, (4 ) राज्य शासन के संकल्प, ( 5 ) भारत शासन के आदेश और अधिसूचनाएं, (6 ) निर्वाचन आयोग , भारत की अधिसूचनाएं, ( 7 ) लोक- भाषा परिशिष्ट.
भाग 2.- स्थानीय निकाय की अधिसूचनाएं.
( 1 ) विज्ञापन और विविध सूचनाएं,
भाग 3.-
(2 ) सांख्यिकीय सूचनाएं.
(क) ( 1 ) मध्यप्रदेश विधेयक, ( 2 ) प्रवर समिति के प्रतिवेदन , ाग 4.-
(3) संसद् में पुरःस्थापित विधेयक,
ख) ( 1 ) अध्यादेश, ( 2 ) मध्यप्रदेश अधिनियम, (
(3) संसद् के अधिनियम,
(ग) ( 1 ) प्रारूप नियम, ( 2 ) अंतिम नियम.
भाग १
राज्य शासन के आदेश
सामान्य प्रशासन विभाग मंत्रालय , वल्लभ भवन , भोपाल
भोपाल, दिनांक 14 फरवरी 2026
क्र.' GAD- 6-0020-2025 -GAD- 1- एक (GAD ) .-माननीय न्यायाधिपति, श्री अनिल वर्मा, उच्च न्यायालय, मध्यप्रदेश खण्डपीठ, ग्वालियर को डी.आर. कम- पी.पी.एस. , उच्च न्यायालय , जबलपुर के प्रस्ताव क्रमांक डी-122 ( दो - 1-12-2022 ) , दिनांक 20 जनवरी 2026 के अनुक्रम में , दिनांक 26 दिसम्बर 2025 से 4 जनवरी 2026 तक के शीतकालीन/सार्वजनिक अवकाश के साथ एल.टी.सी. का उपभोग करने के कारण भारत सरकार, कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय, नई दिल्ली के ज्ञापन क्रमांक एफ क्र. 31011-4-2008- Estl ( ए ) , दिनांक 23 सितम्बर 2008 में निहित प्रावधानों के अंतर्गत दस दिवस के पूर्ण वेतन तथा भत्तों सहित अवकाश नगदीकरण की स्वीकृति, उच्च न्यायालय न्यायाधीश ( वेतन तथा सेवा शर्तें ) अधिनियम, 1954 की धारा 13 के अंतर्गत प्रदान की जाती है.
(2) अवकाश नगदीकरण का उपभोग किए जाने का यह पांचवा अवसर है.
भोपाल , दिनांक 19 फरवरी 2026
क्र. GAD-6-0005-2024-GAD-1-एक (GAD) माननीय न्यायाधिपति, श्री ह्रदेश , उच्च न्यायालय, मध्यप्रदेश , खण्डपीठ, ग्वालियर को डी.आर.- कम- पी.पी.एस. , उच्च न्यायालय , जबलपुर के प्रस्ताव क्रमांक बी-78 ( दो-1-16-2023 ) , दिनांक 8 जनवरी 2026 के अनुक्रम में, दिनांक 14 से 16 दिसम्बर 2025 तक के पूर्ण वेतन तथा भत्तों सहित सार्वजनिक अवकाश के साथ एल.टी. सी. का उपभोग करने के कारण भारत सरकार, कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय , नई दिल्ली के ज्ञापन क्रमांक एफ क्र. 31011-4-2008 - Estl ( ए ) , दिनांक 23 सितम्बर 2008 में निहित प्रावधानों के अंतर्गत दस दिवस के पूर्ण वेतन तथा भत्तों सहित अवकाश नगदीकरण की स्वीकृति, उच्च न्यायालय न्यायाधीश ( वेतन तथा सेवा शर्तें) अधिनियम, 1954 की धारा 13 के अंतर्गत प्रदान की जाती है .
887
नियंत्रक, शासकीय मुद्रण तथा लेखन सामग्री, मध्यप्रदेश द्वारा शासकीय केन्द्रीय मुद्रणालय, भोपाल से मुद्रित तथा प्रकाशित-2026 .
888
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
(2 ) अवकाश नगदीकरण का उपयोग किए जाने का यह चतुर्थ अवसर है.
क्र. GAD-6-0005-2024-GAD-1-एक (GAD) माननीय न्यायाधिपति, श्री ह्रदेश , उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश, खण्डपीठ, ग्वालियर को डी.आर.- कम- पी.पी.एस. , उच्च न्यायालय, जबलपुर के प्रस्ताव क्रमांक बी-80 ( दो-1-16-2023 ) , दिनांक 8 जनवरी 2026 के अनुक्रम में, दिनांक 15 से 16 दिसम्बर 2025 तक, दो दिन का पूर्ण वेतन तथा भत्तों सहित अवकाश की स्वीकृति, साथ ही अवकाश के पूर्वमें दिनांक 13 एवं 14 दिसम्बर 2025 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति उच्च न्यायालय न्यायाधीश ( वेतन तथा सेवा शर्तें) अधिनियम , 1954 की धारा 13 के अंतर्गत प्रदान की. जाती है.
क्र. GAD - 6-0028-2025-GAD-1-एक (GAD ) माननीय न्यायाधिपति, श्री बिनोद कुमार द्विवेदी, उच्च न्यायालय , खण्डपीठ इन्दौर को डी.आर.- कम- पी.पी.एस. , उच्च न्यायालय , जबलपुर के प्रस्ताव क्रमांक बी-76 ( दो-1-04-2024 ) , दिनांक 8 जनवरी 2026 के अनुक्रम में, दिनांक 5 से 9 जनवरी 2026 तक, पाँच दिन का पूर्ण वेतन तथा भत्तों सहित कम्युटेड अवकाश की स्वीकृति, साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 2 से 4 जनवरी 2026 तक के तथा अवकाश के पश्चात् में दिनांक 10 एवं 11 जनवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति, उच्च न्यायालय ( वेतन तथा सेवा शर्तें ) अधिनियम, 1954 की धारा 13 के अंतर्गत प्रदान की जाती है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, सुमन रैकवार, अवर सचिव.
विधि और विधायी कार्य विभाग मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल भोपाल, दिनांक 17 फरवरी 2026
फा. क्र. ई- 1084500 - इक्कीस- ब ( एक ) -2026 .- राज्य शासन , एतद्वारा , श्री सिद्धार्थ सिंह चौहान, अधिवक्ता, जबलपुर व श्री यशपाल राठौर, अधिवक्ता, इन्दौर को इंडियन लॉ रिपोर्टर ( ILR ) ( मध्यप्रदेश सीरीज ) के लिये उच्च न्यायालय मध्यप्रदेश , जबलपुर की स्थापना पर निर्मित पार्ट टाइम एडीटर के स्थायी पद पर रुपये 20,000 / - ( रुपये बीस हजार ) केवल प्रतिमाह निश्चित् मानदेय पर निम्नलिखित तालिका अनुसार पांच वर्ष अथवा आगामी आदेश होने तक ( जो भी पहले हो ) नियुक्त करता है
तालिका
अधिवक्ता का नाम
स. क्र.
(1)
1.
2.
(2) श्री सिद्धार्थ सिंह चौहान, अधिवक्तां, जबलपुर श्री यशपाल राठौर, अधिवक्ता, इन्दौर
अवधि
(3) 12 फरवरी 2026 से 11 फरवरी 2031 2 फरवरी 2026 से 1 फरवरी 2031
इस संबंध में होने वाला व्यय मांग संख्या 29-2014 - न्याय प्रशासन ( 102 ) उच्च न्यायालय ( 0573 ) उच्च न्यायालय भारित के अंतर्गत विकलनीय होगा.
फा.क्रमांक 4784 / E - 1045327 / इक्कीस - ब (एक ) / 2026, मध्यप्रदेश सिविल न्यायालय अधिनियम, 1958 (क्रमांक 19 सन् 1958) की धारा 5 के खण्ड (ख ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए तथा इस निमित्त पूर्व में जारी समस्त अधिसूचनाओं को अतिष्ठित करते हुए , राज्य शासन, मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय की अनुशंसा पर, एतद्वारा , मध्यप्रदेश राजपत्र में इस अधिसूचना के प्रकाशन की तारीख से , मध्यप्रदेश राज्य के प्रत्येक सिविल जिले में, नीचे दी गई सारणी में प्रत्येक सिविल जिले के सामने विनिर्दिष्ट किये गये अनुसार जिला न्यायाधीश , व्यवहार न्यायाधीश , वरिष्ठ खण्ड एवं व्यवहार न्यायाधीश, कनिष्ठ खण्ड के न्यायालय स्थापित करता है, अर्थात्ः- 889
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27
भाग 1 ] फरवरी 2026
सारणी
अनु सिविल जिले का न्यायालयों की संख्या
क्रमांक नाम जिला व्यवहार न्यायाधीश , व्यवहार न्यायाधीश,
न्यायाधीश वरिष्ठ खण्ड कनिष्ठ खण्ड
(1) (2) (3) (4) (5)
1. आगर-मालवा 3 3 4
2. 3 3 3
अलीराजपुर
3. 6 5 6
अनूपपुर
4. अशोकनगर 5 5 9
5. बालाघाट 6 7 14
6. बड़वानी 7 5 7
बैतूल 8 9 11
7.
8. भिण्ड 11 9 13
9. भोपाल 27 38 52
10. 4 5 6
बुरहानपुर
11. 11 9 18
छतरपुर
12. छिन्दवाड़ा 11 11 17
13. दमोह 13 4 12
14. दतिया 6 5 7
15. देवास 15 16 17
16. धार 15 12 16
17. डिंडौरी 3 3 4
18. पूर्वनिमाड़ 5 10 11
(खण्डवा)
19. 8 9 11
गुना
20. ग्वालियर 31 21 31
21. हरदा 3 4 6
22. इन्दौर 41 60 77
23. 35 40 58
जबलपुर
24. 3 5 5
झाबुआ
25. कटनी 10 8 12
26. मण्डला 7 5 10
27. मंदसौर 10 10 13
28. मुरैना 19 9 19
29. नर्मदापुरम 11 8 12
30. नरसिंहपुर 12 5 11
890
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
31. नीमच 7 8 9
32. पन्ना 4 3 7
33. रायसेन 10 8 11
34. राजगढ 10 9 13
35. रतलाम 11 14 25
36. रीवा 23 12 24
37. सागर 19 16 22
38. सतना 23 12 20
39. सीहोर 9 5 13
40. सिवनी 6 7 10
41. शहडोल 6 7 11
42. शाजापुर 10 5 7
43. श्योपुर 6 3 5
44. शिवपुरी 11 10 16
45. सीधी 6 8 11
46. सिंगरौली 12 6 13
47 . टीकमगढ 9 10 12
48. उज्जैन 20 16 26
49. उमरिया 3 4 7
50 . विदिशा 11 10. 14
पश्चिम निवाड़
51. 14 7 14
(मण्डलेश्वर)
F.NO 4784/ E - 1045327/ XXI - B ( 1 ) / 2026 . In exercise of the powers conferred by clause ( b ) of section 5 of the Madhya Pradesh Civil Courts Act , 1958 ( No. XIX of 1958 ) and in supersession of all previous notifications issued in this behalf , the State Government , on the recommendation of the High Court of Madhya Pradesh , hereby , establishes the Courts of District Judges , Civil Judges , Senior Division and Civil Judges , Junior Division in each Civil Districts of the State of Madhya Pradesh , as specified against each Civil भाग 1 ]
891
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
District in the table given below, with effect from the date of publication of this notification in the Madhya Pradesh Gazette , namely: -
Name of Civil District
S. No.
TABLE
Number of Courts of Civil Judges , Senior Division
District
Judges
Civil Judges ,
Junior Division
(1) (2) (3) (4) (5)
3 3 4
1. Agar-Malwa
3 3 3
2 . Alirajpur
6 5 6
3 . Anuppur
5 5 9
4. Ashoknagar
6 7 14
5 . Balaghat
Barwani 7 5 7
6.
Betul 8 9 11
7 .
8. Bhind 11 9 13
27 38 52
9 . Bhopal
4 5 6
10 . Burhanpur
11 9 18
11 . Chhatarpur
Chhindwara 11 11 17
12 .
13. Damoh 13 4 12
6 5 7
14. Datia
15 . Dewas 15 16 17
16. Dhar 15 12 16
Dindori 3 3 4
17 .
18. East Nimar ( Khandwa) 5 10 11
19 . Guna 8 9 11
Gwalior 31 21 31
20 .
Harda 3 4 6
21 .
41 60 77
22 . Indore
35 40 58
23 . Jabalpur
Jhabua 3 5 5
24.
25 . Katni 10 8 12
Mandla 7 5 10
26 .
Mandsaur 10 10 13
27 .
Morena 19 9 19
28 .
11 8 12
29 . Narmadapuram
12 5 11
30 . Narsinghpur
Neemuch 7 8 9
31.
4 3 7
32 . Panna
33 . Raisen 10 8 11
34. Rajgarh 10 9 13
35 . Ratlam 11 14 25
892
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 27 फरवरी 2026
36. Rewa 23 12 24
37. Sagar 19 16 22
38. Satna 23 12 20
39. Sehore 9 5 13
40. Seoni 6 7 10
41. Shahdol 6 7 11
42. Shajapur 10 5 7
43 . Sheopur 6 3 5
44. Shivpuri 11 10 16
45. Sidhi 6 8 11
46 . Singrauli 12 6 13
47 . Tikamgarh 9 10 12
48 . Ujjain 20 16 26
49. Umaria 3 4 7
50. Vidisha 11 10 14
51. West Nimar 14 7 14
(Mandleshwar)
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,
मुकेश कुमार, सचिव.
भोपाल, दिनांक 18 फरवरी 2026
फा. क्र. E- 1100073- इक्कीस - ब( एक ) -718-2026.- ग्राम न्यायालय अधिनियम, 2008 ( 2009 का 4 ) की धारा 5 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य शासन, मध्यप्रदेश, उच्च न्यायालय के परामर्श से, इस विभाग की अधिसूचना फा. क्र. 17 (ई) 43 2009- 2251 - इक्कीस- ब ( एक) -13, दिनांक 24 मई , 2013 , जो मध्यप्रदेश राजपत्र, भाग - एक, दिनांक 10 मई, 2013 में प्रकाशित की गई थी, में निम्नलिखित और संशोधन करता है, अर्थात्: -
संशोधन
उक्त अधिसूचना में, सारणी में , अनुक्रमांक 33 तथा उससे संबंधित प्रविष्टियों के स्थान पर, निम्नलिखित अनुक्रमांक तथा उससे संबंधित प्रविष्टियां स्थापित की जाएं, अर्थात् :-
सारणी
अनु.क्र.
न्यायाधिकारी का नाम
पदस्थापना का स्थल
(2)
(3) डबरा (1) "33. श्री देवांश अग्रवाल, प्रथम व्यवहार
न्यायाधीश, वरिष्ठ खण्ड, डबरा के
अतिरिक्त न्यायाधीश.
सिविल जिले का नाम
ग्राम न्यायालय के मुख्यालय का नाम मध्यवर्ती स्तर की पंचायत के लिए ग्राम न्यायालय का नाम
(4)
(5)
(6)
डबरा
डबरा ग्वालियर
F. No. E- 1100073 - XXI -B ( 1 ) -718-2026 . In exercise of the powers conferred by Section 5 of the Gram Nyayalayas Act , 2008 ( 4 of 2009 ) , the State Government , in consultation with the High Court of Madhya Pradesh . hereby, makes the following further amenement in this department's Notification F. No. 17 ( E ) 43-2009-2251 - XXI- B( 1 ) 13, dated 10th May, 2013 , which was published in the Madhya Pradesh Gazette, Part- I, dated 24th May, 2013 , Namely:-
भाग 1 ]
893
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
AMENDMENT
In the said notification, in the Table , for serial number 33 and entries relating thereto, the following serial number and entries relating thereto shall be substituted , namely :-
TABLE
S. No. Name of Nyayadhikari
Place of posting
(2)
(1) "33.
(3) Dabra Shri Devansh Agrawal , Additional Judge to Ist Civil Judge , Senior Division , Dabra .
Name of Civil District
Name of Headquarter ofGram Nyayalaya Name of Gram Nyayalaya for Punchayat at Intermediate Level
(6) Dabra
(5) Dabra
Gwalior (4)
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, अनिल कुमार पाठक, सचिव.
भोपाल, दिनांक 18 फरवरी 2026
पंजी क्र. 3215-2025- इक्कीस ब(दो) .- राज्य शासन , एतद्वारा , तहसील घुघरी, जिला मण्डला में विभागीय आदेश दिनांक 20 दिसम्बर 2022 द्वारा नियुक्त नोटरी श्री वीरेन्द्र ग्वाले का निधन होने के कारण उक्त नोटरी अधिवक्ता का नाम शासन द्वारा संधारित नोटरी पंजी से विलोपित करता है .
पंजी क्र. 3464-2025- इक्कीस - ब(दो ). राज्य शासन , एतद्वारा , तहसील जबेरा , जिला दमोह में विभागीय आदेश दिनांक 6 नवम्बर 1999 द्वारा नियुक्त नोटरी श्री रमेश कुमार वर्मा का निधन होने के कारण उक्त नोटरी अधिवक्ता का नाम शासन द्वारा संधारित नोटरी पंजी से विलोपित करता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, प्रवीण हजारे , अपर सचिव.
विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग
मंत्रालय , वल्लभ भवन , भोपाल
भोपाल, दिनांक 22 जनवरी 2026
क्र. SNT- 14-0201-2025-Sec-2-इकतालीस (SNT) - राज्य शासन, एतद्वारा, संलग्न परिशिष्ट " अ " अनुसार " मध्यप्रदेश स्पेसटेक नीति, 2026 " ( Madhya Pradesh Space Tech Policy , 2026) " जारी करता है.
2. यह आदेश मंत्रि- परिषद् के आयटम क्रमांक 19 , दिनांक 13 जनवरी 2026 में लिये गये निर्णय के अनुक्रम में जारी किया जाता है.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, एम. सेल्वेन्द्रन , प्रमुख सचिव.
894
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
[ भाग 1
परिशिष्ट-अ
Department of Science & Technology
ध्य प्रदेश शासन•
सत्यमेव जयते
Government of Madhya Pradesh
Madhya Pradesh SpaceTech Policy
2026
895 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 27 फरवरी 2026
Contents
1 . List ofAbbreviations
II . Scope & Coverage .
A. Upstream Segment
B. Midstream Segment .
C. Downstream Segment .
D. Eligibility Criteria.
Background. 1 .
India's Space Sector: Legacy of Innovation and Global Leadership 2.
3. Need for SpaceTech Policy for Madhya Pradesh
3.1. Strategic Advantages of Madhya Pradesh
3.1.1. Academic & Research Excellence
3.1.2. Manufacturing & Industrial Readiness
3.1.3. Government Initiatives Aligning with SpaceTech
3.1.4. Downstream Applications for Socio - Economic Impact
4. Vision .
5. Objectives
6. Policy Implementation , Coverage , and Validity.
6.1. Policy Validity
6.2. PolicyAmendments and Guidelines
6.3. Policy Facilitation and Nodal Agency .
6.4. Operational Provisions
7. Appeals and Dispute Resolution
8. Key Pillars & Incentives .
Innovation & R& D . 8.1.
Centre of Excellence ( CoE ) for SpaceTech .. 8.1.1 .
R&D Centre in Ujjain for Astrophysics and Space Science 8.1.2.
Startup & Industry Support 8.2.
8.2.1. Funding & Prototyping Support,
8.2.2. IP Support
8.2.3 Infrastructure & Certification
824 Market& Employment Incentives
8.2.5. Design Linked Incentive ( DLI ) for SpaceTech Applications
8.3 Skill Development
8.3.1 Academic Integration & Infrastructure
8.3.2 Industry -Academia Linkages [ भाग 1 896
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
8.3.3. Advanced Capacity Building
8.4. Infrastructure Development
8.4.1. SpaceTech Infrastructure Capital Subsidy Scheme
8.4.2 Space Systems & Applications. Park Development Incentive ( Including Manufacturing, Software & Dual - Use Capabilities ) .
843 SpaceTech Testing Infrastructure Support Scheme
8.4.4. High- Performance Computing ( HPC) and Data Infrastructure Grant.
8.5. SpaceTech Awareness , Education , and Scientific Infrastructure .
8.5 1 Establishment of Space Exploration Park: Antariksh Vihar
8.5 2 . Innovative Student Engagement Program - " Mission Kalpana "
8.5.3 . Enhancing Participation in ISRO's YUVIKA Programme .
8.6. Focus Sectors with Enhanced Incentives
9 Customised Incentives for Mega Projects 897 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
1. List of Abbreviations
i . AMPRI - Advanced Materials and Processes Research Institute
ii . BEL - Bharat Electronics Limited
CCIP - Committee for Customized.Incentive Packages
iv. CETP - Common Effluent Treatment Plant
v. CSIR - Council of Scientific and Industrial Research
vi . DLI - Design Linked Incentive
vii. FEA - Finite Element Analysis
viii . FOG - Fiber Optic Gyroscope
ix. GNC Guidance , Navigation , and Control
Χ. ISR - Intelligence , Surveillance , Reconnaissance
xi . MMSKY - Mukhya Mantri Seekho Kamao Yojana
xii . MPCST - Madhya Pradesh Council of Science & Technology
xiii . MPSEDC - Madhya Pradesh State Electronics Development Corporation
xiv. MPSSDEGB Madhya Pradesh State Skill Development and Employment
Generation Board
XV . NGP - Norms , Guidelines , and Procedures
xvi . OEM - Original Equipment Manufacturer
xvii . PNT - Positioning , Navigation & Timing
xviii . RF - Radio Frequency
xix. SatCom - Satellite Communications
XX . SCVT - State Council for Vocational Training
xxi . SI - System Integrator
xxii . TDF - Technology Development Fund
xxiii. TT& C - Telemetry, Tracking , and Command
xxiv. UAS - Unmanned Aerial Systems
XXV . UAV - Unmanned Aerial Vehicle
898
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
II . Scope & Coverage
The MP SpaceTech Policy 2026shall extend incentives to enterprises engaged in upstream, midstream , and downstream space activities , including emerging and strategic domains . Eligible units mustdemonstrate active involvement in one or more of the following focus areas , aligned with Madhya Pradesh's industrial , academic , and governance ecosystem.
A. Upstream Segment
Activities related to the design , development , manufacturing , testing , launching , and monitoring of space systems and infrastructure.
i . Satellite and Launch Vehicle Manufacturers: Entities developing propulsion systems , payloads , avionics , structural components , and launch infrastructure . MP's Defence Corridor (Jabalpur) and Pithampur Auto & Aero Cluster offer precision engineering capabilities for these.
ii . Space Asset Developers: Companies working on space stations , space tourism , in - orbit servicing , space mining, and orbital transfer vehicles .
AIT Facilities and Space Manufacturing Parks: Units setting up or operating facilities for spacecraft component fabrication , Assembly, Integration , and Testing (AIT) , and simulation . MPSEDC and IIT Indore's CoE will support such initiatives .
iv. Software and Simulation Providers: Firms offering spacecraft design , calibration , and mission simulation tools , supported by MP's Electronics Manufacturing Cluster and HPC infrastructure.
The upstream segment under the MP SpaceTech Policy shall encompass , but not be limited to, the following activities:
Design , manufacturing , assembly , integration , and testing of components and sub- systems for launch vehicles , including:
Structural systems , Propulsion systems , Attitude Determination and Control Systems (ADCS) , Avionics , Telemetry , Tracking , and Command ( TT&C ) systems , Power systems , Guidance , Navigation , and Control ( GNC) systems , Thermal control systems , Separation and destruct mechanisms , other mission - critical subsystems.
Development and integration of satellite systems , including:
Payload systems , Satellite bus platforms , Structural and propulsion systems , Attitude and Orbit Control Systems ( AOCS ) , TT& C systems , Power and thermal control systems , GNC systems .
Ground segment infrastructure , including:
Antenna and Radio Frequency ( RF ) systems , Signal processing and control systems , Ground-based Space Situational Awareness ( SSA) and Space Domain Awareness (SDA) stations , Master Control Centres and Ground Stations
B. Midstream Segment
Activities that bridge upstream manufacturing and downstream applications, focusing on launch services . mission operations , and data transmission .
i . Launch Service Providers: Entities offering commercial launch services , including suborbital and orbital launches , leveraging MP's strategic location and logistics infrastructure .
ii . Mission Operations and Control Centres : Facilities managing satellite operations, telemetry. and command systems , ensuring seamless communication between ground and space assets .
Data Transmission and Ground Station Networks: Providers of satellite data downlink services , ground station networks , and secure communication links for space missions.
iv. Space Traffic Management: Systems for coordinating and monitoring space traffic , ensuring collision avoidance and orbital safety.
V. Space Situational Awareness ( SSA) and Debris Management : Developers of SSA/ SDA ystems, space robotics , refuelling missions , and quantum- enabled space solutions.
899 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
The midstream segment under the MP SpaceTech Policy shall encompass, but not be limited to, the following activities:
Launch and mission management , including:
Launch vehicle integration , Mission planning and execution , Payload deployment , post- launch support .
Ground station operations , including:
Data reception and processing . Telemetry and command services . Network coordination .
Space traffic and debris monitoring , including:
Collision avoidance systems , Orbital tracking , Debris mitigation services.
C. Downstream Segment
Applications and services that utilize satellite data and infrastructure to deliver commercial , strategic, or governance value.
i . Earth Observation ( EO) : Platforms for satellite imagery analysis , geospatial intelligence , and sector- specific insights ( agriculture , water management, disaster resilience, urban planning ) MP'sSmart Cities Mission and Kisan Drone initiatives are key beneficiaries.
ii. Satellite Communications (SatCom): Developers of ground segment equipment , broadband platforms , IoT connectivity , and emergency communication systems
Positioning , Navigation & Timing ( PNT) : Providers of precision timing , asset tracking , and integrated logistics solutions .
iv. Data Analytics and Visualization : Enterprises using Al / ML , big data , and cloud computing,to derive actionable insights from satellite data . Supported by IISER Bhopal and Global Skills Park.
In addition , the Government of Madhya Pradesh shall promote a Digital Public Infrastructure (DPI ) approach to enable seamless access to space- derived data and services. This will include the development of:
Shared data repositories and analytics platforms .
Integration tools for public and private sector applications.
Research environments for academic and startup - led innovation
These initiatives will empower government departments , startups , MSMEs . and academic institutions todiscover , consume , and build upon space - based datasets and services , fostering inclusive innovation and socio- economic impact across the state.
The MP SpaceTech Policy 2026shall extend incentives to enterprises engaged in upstream , midstream and downstream space activities , including emerging and strategic domains . Eligible units must demonstrate active involvement in one or more of the following focus areas , aligned with Madhya Pradesh's industrial , academic, and governance ecosystern
These initiatives will empower government departments, startups , MSMEs , and academic institutions to discover, consume and build upon space - based datasets and services . fostering inclusive innovation and socio -economic impact across the state.
D. Eligibility Criteria
To qualify for any incentives , units must:
i Indian Non -Government Entities ( NGEs ) recognized by IN - SPACe as defined under the Indian Space Policy 2023 and its associated Norms , Guidelines , and Procedures
ii. Indian entities registered as vendors to ISRO , with documented proof of supplying goods or services relevant to the focus sectors of this policy within the last three ( 3 ) years
Indian entities registered as vendors to global space Original Equipment Manufacturers ( OEMS ) or System Integrators (SIs ) , with documented proof of supplying relevant goods or services over the past five (5) years.
iv. Non-Indian entities that are globally recognized OEMs Sis , or component manufacturers in מיין space sector, with documented proof of supplying relevant goods or services over the past five (5) years . Their participation in Indian projects shall require prior authorization from IN - SPACE as per the Indian Space Policy 2023.
A 900
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
V Startups/entities in the space-tech sector recognized by the Department for Promotion of Industry and Internal Trade (DPIIT) , provided they:
a . Maintain a physical office in Madhya Pradesh .
b Demonstrate relevance to the focus sectors of this policy through supporting documents such as Chartered Accountant (CA) certificates , Work orders , Invoices , C Proof of deployment of space- related solutions ( if applicable ) and are registered with IN - SPACE ( if engaged in space activities requiring authorization ) .
VI All applicants must submit supporting documentation ( such as CA certificates , work orders , invoices , or proof of deployment ) to establish relevance to the focus sectors of this policy.
VII Allcompanies, entities , or enterprises seeking benefits under this policy must thoroughly review the provisions and comply with the requirements outlined in the policy and its operational guidelines.
VII Any applicant( apart from start - ups ) must be registered under the relevant commercial laws of Madhya Pradesh , such as the Madhya Pradesh Shops and Establishments Act or the Factories Act . at the time of application .
IX TheDepartment of Science and Technology ( DST) , Government of Madhya Pradesh , shall operationalize an online registration mechanism for space sector companies and entities . Only those registered through this mechanism shall be eligible to apply for incentives under this policy. Detailed registration guidelines will be issued as part of the operational framework 901 भाग 1 ]
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
1. Background
The global space economy, valued at approximately USD 600 billion , is projected to exceed USD 1.8 trillion by 2040 , driven by advancements in satellite technology, miniaturization , and private sector participation . At present , the Indian space economy is valued at approximately USD 8.4 billion and theIndian government envisions scaling the space economy to USD 44 billion by 2033. including US . $11 billion in exports amounting to 7-8% of the global share , through reforms like the Indian Space Policy 2023 and IN - SPACE , The sector is transitioning from government - led to a public -private model fostering innovation in satellite manufacturing , launch services , earth observation , and downstream applications.
States like Karnataka and Telangana have already established robust Space Tech ecosystems . leveraging their aerospace and IT strengths . Karnataka's policy focuses on skill development , infrastructure , and innovation , while Telangana emphasizes PPP models , testing facilities and downstream applications . Madhya Pradesh , with its defense corridor, precision manufacturing hubs (Pithampur), and academic institutions ( IIT Indore ) , is uniquely positioned to emerge as a competitive player in this sector.
The MP SpaceTech Policy 2026seeks to capitalize on these opportunities by fostering R&D, manufacturing , and commercialization , aligning with national goals while addressing state - specific needs such as agriculture , disaster management , and urban planning through space - based solutions .
2. India's Space Sector : Legacy of Innovation and Global Leadership
Over the years, India's space sector has achieved extraordinary milestones , showcasing its technological excellence and strategic importance . The Indian Space Research Organisation (ISRO ) has established itself as a global leader, renowned for its cost-effective and reliable missions From deploying satellites for communication , navigation , and earth observation to pioneering interplanetary missions like Mangalyaan ( Mars Orbiter Mission ) , India became the first Asian nation and fourth in the world to reach Martian orbit .
The historic success of Chandrayaan - 3, which achieved a soft landing on the Moon's South Pole , has unlocked new opportunities for international collaboration and commercialization of space technologies . India has already partnered with space agencies from the USA , UK , Singapore , Germany and other nations , launching 429 foreign satellites and generating $ 174 million in revenue
India's growing self- reliance in space technology is evident through its advanced satellite fleet . including:
Navigation Satellites - Indian Regional Navigation Satellite System ( IRNSS )
Communication Satellites - GSAT series
Space Exploration - Aditya L- 1 , India's first solar mission , reinforcing its commitmentto scientific discovery.
The space sector's impact extends across critical industries such as agriculture , transportation , telecommunications , and disaster management, driving innovation through cutting- edge research With an estimated $ 44 billion market potential by 2033. India aims to capture 8 % of the global space economy, targeting $ 11 billion in exports . To accelerate growth , the government has introduced key reforms , including the Indian Space Policy 2023 , fostering public- private partnerships and empowering startups . These initiatives aim to enhance technological advancements while contributing to socio- economic development . This dynamic evolution positions India as a formidable player in the global space arena , blending innovation , affordability, and strategic collaborations
3. Need for SpaceTech Policy for Madhya Pradesh
Madhya Pradesh ( MP ) is strategically positioned to emerge as a leading hub for space technology (SpaceTech ) innovation , manufacturing , and applications. The state's existing strengths in academia , industry, and governance provide a robust foundation to develop a thriving Space Tech ecosystem. A dedicated Madhya Pradesh SpaceTech Policy is essential to harness these advantages , address critical gaps , and position the state as a key contributor to India's $44 billion space economy by 2033 .
902
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
[ भाग 1
3.1. Strategic Advantages of Madhya Pradesh
3.1.1 . Academic & Research Excellence
Madhya Pradesh hosts premier institutions that can drive SpaceTech R&D and skill development :
IITIndore- Offers India's first B.Tech in Space Engineering , along with advanced research in satellite systems, propulsion , and Al -driven space analytics .
IISER Bhopal Strong focus on astrophysics , remote sensing , and computational modelling for space applications.
Raja Ramanna Centre for Advanced Technology (RRCAT) , Indore - Specializes in optics , laser technology, and advanced materials , critical for satellite payloads and sensors .
Madhya Pradesh Council of Science & Technology ( MPCST) - As the apex science and technology body of the state, MPCST plays a pivotal role in promoting applied research and innovation Its Remote Sensing Applications Centre supports geospatial analytics , satellite imagery interpretation , and spatial data infrastructure for agriculture , water resources, and disaster management . MPCST also facilitates policy advisory, infrastructure development , and scientific outreach aligned with SpaceTech objectives .
BEL Centre of Excellence , IT Park Sinhasa An initiative of Bharat Electronics Limited focusing on advanced electronics , embedded systems , and secure communication technologies. The center supports the development of defence- grade communication platforms, aligning with national security and space exploration goals.
CSIR-Advanced Materials and Processes Research Institute (AMPRI ) , Bhopal - A premier national research institute under CSIR , AMPRI focuses on advanced materials , composites, and lightweight alloys essential for space -grade structures. Its expertise in nanomaterials , metallurgy, and structural engineering supports the development of satellite components, launch vehicle parts , and thermal protection systems .
Global Skills Park , Bhopal - A state- of-the- art skill development hub with potential to offer specialized training programs in space drone technology and space data analytics , bridging theindustry-academia gap.
3.1.2 . Manufacturing & Industrial Readiness
Madhya Pradesh offers a robust industrial ecosystem with specialized infrastructure , supply chain advantages , and sectoral synergies that position it as an ideal hub for SpaceTech manufacturing and innovation
i . State- of- the-Art Industrial Infrastructure
322 Industrial Parks ( including 208 MSME parks ) with plug - and- play facilities.
Multi-Modal Logistics Park - Streamlined supply chains for raw materials (e.g. , rare earth metals from MP's titanium theme park ).
Power Surplus ( 31 GW) - Competitive tariffs for energy-intensive space manufacturing .
ii . Electronics Manufacturing Expertise
Electronics Manufacturing Cluster ( EMC ) - One of India's first EMCs supports space-grade PCB fabrication , semiconductor packaging , and radiation - hardened electronics.
Aerospace & Defence Synergies
Defence Industrial Corridor ( Jabalpur) Hosts ordnance factories , ammunition manufacturers , and R&D units , providing a ready base for space - grade propulsion systems , avionics , and structural components .
DRDO & ISRO Collaborations - Existing partnerships with RRCAT ( Indore ) and Defence PSUs for advanced materials ( eg., composites , titanium ) critical for space applications .
iv. Auto Sector's Precision Engineering Legacy
Pithampur Auto Hub - Capabilities in CNC machining , casting , and lightweight alloy fabrication can be repurposed for spacecraft components and ground support equipment . Asia's largest automotive test track and precision engineering units can be leveraged for satellite chassis , launch vehicle assemblies , and thermal protection systems.
EV & Battery Tech Growing ecosystem for energy storage solutions applicable to satellite power systems
Rharmaceutical and BioTech Expertise 903
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भाग 1 ]
300+pharmacompaniesexportingto160 + countries , 5thlargestIndianstateintermsofpharmae xports. Cleanroom facilities and sterile manufacturing processes align with satellite AIT (Assembly, Integration , Testing ) requirements .
Medical Device Park ( Medical device park in Vikram Udyogopuri Ujjain ) - Expertise inhigh -precision instrumentation ( sensors , optics ) adaptable for satellite payloads
3.1.3 . Government Initiatives Aligning with SpaceTech
MP'sfocus on emerging technologies complements SpaceTech growth
Madhya Pradesh Drone Promotion and Usage Policy, 2025 - Synergies in unmanned aerial systems ( UAS) and satellite-based surveillance
MP Startup Policy, 2025 Supports SpaceTech startups with funding incubation and mentorship.
Aerospace and Defence Production Policy, 2025 Aims to strengthen existing industrial infrastructure and develop new facilities for aerospace and defence manufacturing
Biotechnology Policy, 2025 - Leveragingbiotech innovations for space- grade materials , life support systems , and sustainable space agriculture through cross - sector R&D and infrastructure
Electric Vehicle Manufacturing Policy, 2025 - Accelerating the adoption of electric vehicles and developing hubs for EV Manufacturing and its associated ecosystem
Medical Devices Policy, 2025 Emphasis on establishing and expanding medical device manufacturing units which includes electrical medical devices ( ECG Machines , MRI CT scanners , ultrasound devices etc. ) .
Renewable Energy Equipment Manufacturing Policy, 2025- Synergies in manufacturing of solar components and energy storage systems .
3.1.4. Downstream Applications for Socio - Economic Impact
Space-based technologies are transforming key sectors like agriculture , water resources , disaster management, and urban planning through applications such as satellite monitoring , remote sensing and GIS mapping . These innovations lead to improved efficiency, sustainability and faster response times.
Thislist is not limited and continues to grow as technology evolves.
Impact
Sector
SpaceTech Applications
Agriculture
Increased yield reduced water wastage
Satellite - based crop monitoring , soil health analysis and precision farming.
Water Resources
Better resource management .
Remote sensing for groundwater mapping and flood forecasting.
Disaster Mgmt .
Faster. emergency response
Real-time satellite imagery for cyclone tracking . landslide prediction .
Sustainable cities Urban Planning GIS mapping for infrastructure development, traffic management.
4. Vision
"To establish Madhya Pradesh as a leading destination for Space Tech innovation manufacturing and application-driven solutions , contributing to India's global space economy 904
[ भाग 1
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5. Objectives
Develop infrastructure for satellite/ launch vehicle manufacturing , advanced materials and testing, ground communication and data analytics etc.
Enhance skilling via specialized courses and industry-aligned training and create high- skilled jobs in this sector
Foster R& D through academia - industry collaboration and CoEs .
IV Promote adoption of space technologies in governance ( agriculture , urban planning , disaster management)
V Attract around 30 Spacetech Startups / companies , investment of 900 Crores and a direct employment generation of 2000 highly skilled people in next 5 years
6. Policy Implementation , Coverage , and Validity
6.1. Policy Validity
The MP SpaceTech Policy 2026shall remain in force for a period of ten ( 10) years from the date of its official notification by the Government of Madhya Pradesh , unless extended , amended , or superseded by a subsequent policy issued by the Department of Science and Technology ( DoST) , Government of Madhya Pradesh .
6.2. Policy Amendments and Guidelines
1 The Department of Science and Technology shall be the competent authority to issue clarifications , amendments , and operational guidelines from time to time to ensure effective implementation of the policy
All such amendments shall be notified through official government channels and shall be binding on all stakeholders
111 The Department shall ensure that all rules and procedures are transparent, consistent, and user- friendly, with a focus on ease of access and compliance for startups , MSMEs , academic institutions , and large enterprises.
6.3. Policy Facilitation and Nodal Agency
TheDepartment of Science and Technology shall act as the apex coordinating body for inter- departmental collaboration and policy oversight.
TheMadhya Pradesh State Electronics Development Corporation ( MPSEDC ) shall serve as theNodal Agency for the implementation of the MP SpaceTech Policy 2026.
A dedicated Facilitation Cell shall be established within MPSEDC to:
Provideend-to-end support to startups , MSMEs , and investors .
Assist in obtaining regulatory approvals , land allotment, and testing access.
Serve as a single- window interface for all policy- related services and grievance redressal .
6.4. Operational Provisions
i . No Duplication of Benefits
Enterprises that have availed benefits under any other investment promotion policy of the Government ofMadhya Pradesh shall not be eligible to claim incentives under this policy, irrespective of the scheme or department , unless explicitly permitted.
ii. Online Application and Disbursement System
All applications for incentives shall be submitted through a dedicated Policy Incentives Portal , managed by MPSEDC
The portal shall operate on a " No Query " model : once an application is submitted with all
required documents and is accepted, no further queries shall be raised unless discrepancies are found during verification The portal shall also provide real - time tracking, automated alerts , and a digital dashboard for applicants
Compliance with National Regulations
All entities availing benefits under this policy must comply with applicable national regulations , including but riot limited to:
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भाग 1 ]
Indian Space Policy 2023 and its Norms , Guidelines , and Procedures ( NGP ) issued by IN- SPACE.
Environmental , safety , and quality standards prescribed by ISRO , DRDO, and BIS etc
Any future amendments or sector- specific rules issued by the Government of India
7. Appeals and Dispute Resolution
i. TheAdditional Chief Secretary / Principal Secretary / Secretary . Department of Science and Technology, Government of Madhya Pradesh , shall be the Appellate Authority for al matters related to the interpretation , implementation , and dispute resolution under this policy ii. Appeals must be submitted in writing within 30 days of the disputed decision along with supporting documents.
The decision of the Appellate Authority shall be final and binding.
8. Key Pillars & Incentives
8.1 . Innovation & R&D
Innovation and research form the cornerstone of Madhya Pradesh's Space Tech ambitions, By fostering cutting -edge research in satellite systems , propulsion , and space analytics , the state aims to build indigenous capabilities that align with national and global space missions . Institutions like IIT Indore . CSIR -AMPRI and RRCAT Indore offer a strong foundation for advanced R &D in optics, advanced materials , and Al -driven analytics . This pillar is crucial for Madhya Pradesh to transition from a consumer of space technologies to a developer of original solutions .
8.1.1 . Centre of Excellence ( CoE ) for SpaceTech
TheGovernment of Madhya Pradesh shall establish an integrated Centre of Excellence ( CoE ) and Incubation Network for SpaceTech , to be anchored at a national institute of importance as the central Hub. This integrated entity will combine advanced R&D with grassroots entrepreneurship creating a seamless pipeline from innovation to commercialization .
i . Structure: The Hub & Spoke Model
The Hub : The central Hub will be the nerve center, housing advanced R & D facilities core technical expertise , and the primary incubation program for high - poteritial deep -lech startups.
The Spoke Network: A network of state engineering colleges and universities aor Madhya Pradesh (e.g. , in Bhopal , Gwalior, Jabalpur, Indore , Ujjain , Sagar, Rewa , will aut as regional Spokes . These Spokes will focus on grassroots awareness , primary mentorship , prototype development , and funnelling top - tier talent and ideas to the central Hub
ii. Key Functions
a) Advanced R& D & Prototyping
Host the SmallSat Digital Twin Lab and Space Innovation Sandbox loa simulation and testing .
Conduct fundamental and applied research in satellite systems propulsion SSA and space instrumentation.
Provide incubated startups with privileged access to high - end lab infrastructure simulation data , and research mentorship
Run a flagship incubation program offering seed funding , mentorship from insititute's faculty/industry experts , and access to the CoE's labs.
Facilitate connections to venture capital and the MP SpaceTech AIF Fund
Manage the " Spoke to Hub " pipeline , identifying and elevating the most promising teams from regional Spokes for intensive support at the Hub
Offerintroductory workshops , ideation challenges , and pre -incubation support 906
[ भाग 1
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Provide basic lab access , 3D printing , and workspace for early - stage prototyping .
Act as local nodes for the "Mission Kalpana " student engagement program, fostering a statewide culture of space innovation .
b) Implementation
The Department of Science & Technology, in collaboration with MPSEDC , industry experts and the selected institute, will be responsible for establishing this integrated entity.
A formal agreement will define the roles , responsibilities , and resource- sharing mechanisms between the Hub and the Spoke institutions .
The Hub will be governed by a joint committee comprising representatives from the Government , academia, and the space industry.
8.1.2 . R &D Centre in Ujjain for Astrophysics and Space Science
A dedicated R& D Centre will be established in Ujjain ; in collaboration with IIT Indore or any other institute of national importance . Ujjain is a city with deep- rooted astronomical heritage , historically known as the "Greenwich of Ancient India " . Ujjain was the prime meridian for Indian astronomical calculations and the home of Varahamihira , a legendary astronomer whose contributions laid the foundation for Indian space sciences .
This centre will focus on astrophysics , deep space observation , and satellite - based analytics , integrating traditional astronomical knowledge with modern space science .It will act as a collaborative platform for research in payload design , space optics , and Al - powered data interpretation , reinforcing Ujjain'slegacy as a beacon of scientific excellence.
8.2. Startup & Industry Support
Supporting startups and industry is vital to accelerate commercialization and build a vibrant SpaceTech ecosystem in Madhya Pradesh . This pillar focuses on enabling early stage ventures to scale through access to infrastructure , mentorship , and market linkages . Encouraging private sector participation will help bridge the gap between research and market- ready products , fostering innovation in satellite components, ground systems, and data services . By nurturing startups , MP can tap into the national momentum created by reforms like IN - SPACe and the Indian Space- Policy 2023. This pillar is especially important for Madhya Pradesh to attract investments , create high - skilled jobs , and position itself as a competitive destination for space entrepreneurship , complementing the efforts of ISRO and other national agencies.
The following incentives are designed to support early - stage ventures , MSMEs , and industry players across the space value chain .
8.2.1 . Funding & Prototyping Support
a) Early -Stage Financing
Idea-to - Prototype Grant : 50 % grant up to ₹75 lakh for PoC development and validation Proposals for the Idea - to - Prototype Grant will be evaluated by the Department of Science & Technology. in consultation with MPSEDC , based on technical merit, commercial potential , and execution capability. The exact eligibility criteria , detailed evaluation parameters , and application process will be comprehensively outlined in the subsequent Policy Guidelines.
11 Strategic Fund Infusion: To provide scalable , market- driven venture capital , the Government of Madhya Pradesh shall establish a dedicated fund . This corpus shall be deployed by acting as a Strategic Limited Partner, infusing funds into existing SEBI - registered Category I Alternative Investment Funds (AIFs) .
Objective: To secure dedicated venture capital for Madhya Pradesh- based SpaceTech startups and MSMEs .
C Process: The Department of Science & Technology, in consultation with MPSEDC , shall identify and select AIFs managed by professional fund managers with a proven track record in Deep Tech, Aerospace , or Defence 907
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भाग 1 ]
Ο Matching Fund Model : The state government will provide capital to the selected AIF ( s ) specifically to match the funding allocated to eligible Madhya Pradesh - based startups. For example, if the AIF invests 5 Crores in a qualifying startup, the state government will contribute an equal 15 Crores through the AIF, effectively doubling the total funding to 10 Crores for the startup .
Corpus : An initial corpus of ₹200 Crores shall be allocated for this purpose to facilitate the matching fund model .
b) Technology Adoption
Technology Acquisition Support: 50 % reimbursement up to 1 crore for licensing/transfer from ISRO /DRDO / international institutions . Disbursement would be done in three phases:
30% for evaluation ,
40% for acquisition ,
30% for implementation .
8.2.2 . IP Support
50% reimbursement of patent costs ( capped at 5 lakh for Indian patents: 10 lakin for international )
8.2.3 . Infrastructure & Certification
a) Testing & Certification
i . 50 % subsidy up to 1 crore for environmental / EMC testing.
ii . 75% reimbursement for ISRO/IN - SPACE / ISO certifications ( capped at 10 lakh ) b) Incubation Support
50% capital grant up to 1 crore for setting up SpaceTech incubators.
8.2.4 . Market & Employment Incentives
a) Global Market Access
50% reimbursement up to 15 lakh /year for international trade fairs and collaborations .
b) Employment Generation
₹5,000/month per new technical hire (24 months max , 15 lakh / startup cap ) .
c) Revenue - Linked Incentive
15% of revenue for downstream solutions ( capped at 50 lakh / startup )
8.2.5 . Design Linked Incentive ( DLI ) for SpaceTech Applications
To support startups , MSMEs , and enterprises engaged in the design and development of new products , systems , and applications in the SpaceTech sector, including satellite systems , payloads ground segment software , SSA/ SDA tools like Al -driven collision alerts, debris removal prototypes orbital simulation software , and space robotics.
a) Incentive Structure
Milestone - linked reimbursement of up to 50% of eligible expenditure Ceiling: 50 Lakhs per application
Disbursed in tranches based on the following milestones
Completion of design and simulation: 10%
Prototypedevelopment and validation 10 %
Demonstration in operational environment: 10%
Readiness for volume production or deployment 20%
908
[ भाग 1
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8.3. Skill Development
Skilldevelopment is a foundational pillar that ensures the availability of a qualified workforce to support the growth of the SpaceTech sector in Madhya Pradesh . With the emergence of new technologies in satellite manufacturing , data analytics , and space applications , there is a pressing need to train engineers , technicians , and researchers in specialized domains . Institutions like IIT Indore , IISER Bhopal , and the Global Skills Park offer a strong base for launching academic programs and industry- aligned training. This pillar aims to bridge the talent gap by integrating space education into mainstream curricula and promoting hands -on learning through internships and lab - based modules . For Madhya Pradesh , investing in skill development is critical to build a self- reliant ecosystem that can support manufacturing , testing , and downstream services . It also ensures inclusive growth by enabling youth from across the state to participate in the space economy, thereby enhancing regional capabilities and long - term competitiveness.
8.3.1. Academic Integration & Infrastructure
a) Curriculum and Lab Development
Policy will support the undergraduate and masters' program in Space Technology domain in various institutes across the state by providing a one- timegrant of Rs . 20 lakh per institute during the policy tenure.
ว Curriculumdesign (AICTE - approved degrees in SpaceTech , remote sensing , data analytics ).
SSA - certified courses: Orbital mechanics , space law, and AI / ML for SSA at IIT Indore/ Global Skills Park
Lab equipment , simulation software , and faculty training .
8.3.2. Industry - Academia Linkages
a) Internships & Apprenticeships
i. Stipend Program: To foster industry -aligned practical experience , a stipend supportprogram is established for students of Madhya Pradesh .
EligibleHost Organizations : Internship opportunities must be provided by eligible units registered with IN - SPACE , recognized vendors to ISRO/global OEMs , or DPIIT- recognized SpaceTech startups operating anywhere in the country.
Eligible Beneficiaries : Students must be domiciles of Madhya Pradesh , enrolled in undergraduate or postgraduate programs in relevant STEM fields at UGC /AICTE- recognized institutions .
Stipend Support:
A stipend of ₹10,000 per month per student for a maximum duration of 6 months .
75% of the stipend will be reimbursed to the host organization by the Government .
Thehost organization is required to contribute the remaining 25% .
Certification : A joint certificate will be issued by the host organization and the nodal agency ( MPSEDC) upon successful completion of the internship
Faculty Industry Immersion:
Professional development programs and educational activities designed to enhance the skills , knowledge , and teaching effectiveness ofeducators , typically within academic institutions of national repute will be supported within this policy. An annual outlay of Rs . 50 lakh will be earmarked for the training activities for upskilling technical education faculty in the state.
b) Employee Upskilling
Skilling reimbursement will be provided to eligible units at the rate of Rs . 50,000 peremployee for course fee or 50 % of the costs , whichever is lower for undertaking training programs . Government affiliated or accredited courses (minimum 3 909
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भाग 1 ]
months) shall be considered for this incentive The Skilling Reimbursement will be available for 3 years to eligible units for 25% of the workforce , with an upper limit of50 employees per annum . To calculate the workforce , number of employees who havecompleted at least 6 years in the SpaceTech or Spacetech technology related sector (total experience ) shallbe considered. This benefit will be available only to employees who are domicile of Madhya Pradesh state
8.3.3 . Advanced Capacity Building
a) SpaceTech Fellowships
1 lakh / year for 3 years for researchers / entrepreneurs ( retained as standalone to attract top talent) .
8.4. Infrastructure Development
Infrastructure development is the backbone of Madhya Pradesh's vision to become a SpaceTech hub This pillar focuses on creating world- class facilities for satellite and launch vehicle manufacturing testing , and data processing . With over 300 industrial parks , a defense corridor, and precision engineering clusters , MP is well - positioned to host space- grade infrastructure . Establishing clean rooms , environmental testing labs , optical equiprnents , lasers and high - performance computing centers will enable the state to support end - to - end space missions. The following incentives are proposed to support the creation of world - class facilities for satellite and launch vehicle manufacturing , testing , and data processing , and to catalyse public - private partnerships across the state,
8.4.1 . SpaceTech Infrastructure Capital Subsidy Scheme
To encourage the establishment of space - grade infrastructure such as clean rooms , vacuum chambers , vibration testing facilities , and satellite integration bays , the Government of Madhya Pradesh shall provide following subsidies to eligible enterprises .
Upto 40% of capital investment in plant , machinery, and infrastructure , subject to a ceiling of *150 crore per unit . The minimum eligible capital investment required to avail this subsidy shall be 10 crore .
Additional 2% incentives for women led entities . For the purpose of this policy, a Women- Led Entity shall mean an enterprise in which one or more women promoters / founders hold at least 26% equity stake , and at least one woman is actively involved in strategic decision- making or day-to-day management of the entity.
In the case of startups, this may include women founders , co-founders , or partners holding a significant managerial or leadership role , as evidenced through incorporation documents or self-declaration .
Land rebate and stamp duty exemption as per IT, ITeS and ESDM Investment Promotion Policy 2023
Note: Eligible Capital Investment includes expenditure on new plant and machinery ( including eligible imported/ refurbished machinery with a minimum useful life ) , factory buildings and sheds used for production , in - house R & D facilities ( within prescribed caps ) , eligible portions of captive renewable power plants , and approved energy - saving systems. It excludes land cost , old or obsolete machinery compound walls , internal roads , residential buildings , vehicles , working capitai , pollution control systems ( ETP / STP / ZLD ) , and general power infrastructure unless specifically permitted.
8.4.2. Space Systems & Applications Park Development Incentive (Including Manufacturing , Software & Dual - Use Capabilities )
To promote cluster- based development across the space technology value chain , the Government of Madhya Pradesh shall support the establishment of Space Systems & Applications Parks including Dual -Use Technology Hubs.
These Parks may host units engaged in space manufacturing , satellite and launch vehicle integration and testing , space software development , satellite data analytics , Earth Observation (EO) applications , mission operations , and dual -use component manufacturing for defence: aerospace, and satellite applications [ भाग 1 910
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The State Government shall facilitate the creation of common infrastructure and shared facilities within such Parks , including clean rooms , AIT facilities , environmental and vibration testing labs , secure data and mission operations infrastructure , and other specialised facilities required for space technology development. These facilities shall be developed and operated through PPP arrangements , leveraging private sector expertise .
To support establishment of such Parks , the State Government shall facilitate a dedicated support of up to 200 crore towards development of shared infrastructure .
PPP models may include DBFO , BOT, BOO , Hybrid Annuity, or any other model approved by the competent authority, in accordance with applicable State and Central PPP guidelines .
8.4.3 . SpaceTech Testing Infrastructure Support Scheme
To reduce dependency on external testing facilities and accelerate product validation , the Government shall support the establishment of environmental , EMI / EMC , and performance testing labs.
Upto 15 crore per facility as capital grant for equipment and setup.
30% reimbursement of operational testing costs for startups and MSMEs using these facilities .
8.4.4. High-Performance Computing ( HPC ) and Data Infrastructure Grant
To support satellite data analytics , simulation , and Al -driven modelling , the Government shall fund the establishment of HPC centers and satellite data repositories .
Upto 10 crore per centre for infrastructure , software , and data acquisition .
Free access to MP - based startups and academic researchers for the first year.
8.5. SpaceTech Awareness , Education , and Scientific Infrastructure
Space technology is rapidly transforming global industries , and Madhya Pradesh aims to cultivate a future- ready workforce by embedding space science into education and public engagement . This section of the policy focuses on inspiring students and communities through structured outreach , enmersive learning environments , and flagship infrastructure. These initiatives will ensure inclusive access to space education and position MP as a cradle of space innovation .
Madhya Pradesh Council of Science & Technology ( MPCST) will be responsible for undertaking the implementation of awareness , education , and scientific infrastructure . On behalf of the Department ofScience & Technology, MPCST will drive programs to inspire students and the public , integrate space science into educational curricula , and develop flagship projects such as the Space Exploration Park , 'Antarıksh Vihar' .
8.5.1 . Establishment of Space Exploration Park: Antariksh Vihar
To inspire scientific curiosity and innovation among students and the public, the Government of Madhya Pradesh shall establish a world- class Space Exploration Park ' Antariksh Vihar ' as part of MPCST's flagship Science City initiative . This gallery will serve as a dynamic , immersive space for learning and exploration of space technologies .
i . Components
SpaceTech Pavilion with satellite modeis launch simulations , and VR experiences.
Planetarium with real - time data feeds from ISRO missions.
Innovation labs for school and college students
Auditorium for lectures , exhibitions , and national science festivals.
8.5.2 . Innovative Student Engagement Program - " Mission Kalpana "
To cultivate early interest in space science through a state - wide student challenge named after Kalpana Chawla Indias first woman in space The department would set aside ₹ 1 crore annual budget for awards, logistics , and mentorship
i. Program Features
Annual competition for students from grades 6 to 12.
Themes include " Design Your Own Satellite , " " Space Farming , " and " Mars Habitat Challenge." Top 100 students to receive mentorship , lab access , and exposure visits to ISRO centers .
भाग 1 ]
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8.5.3 . Enhancing Participation in ISRO's YUVIKA Programme
YUVIKA ( Yuva Vigyani Karyakram ) is ISRO's flagship outreach initiative aimed at school students in Class 9, designed to foster early interest in space science and technology . The program includes lectures by scientists , facility visits , hands - on activities , and interaction with space professionals. offering a unique opportunity to experience India's space ecosystem firsthand .
To ensure greater representation of Madhya Pradesh in this prestigious national program, the Department of Science and Technology shall undertake the following initiatives
i . Key Activities
Statewide Awareness Campaigns . Organize district -level outreach sessions in collaboration with schools and education departments to inform students and teachers about the YUVIKA program and its application process .
Nomination Facilitation: Set up a dedicated support cell to assist eligible students in completing the application process , including documentation , essay writing , and online registration .
Merit-Based Travel and Participation Support: Provide travel and incidental expense support to selected students from Madhya Pradesh , especially those from rural and tribal districts , to ensure equitable access .
One-TimeGrant and Recognition : Students from Madhya Pradesh who are selected for the YUVIKA program shall receive a one - time grant of ₹ 25,000 from the Department of Science and Technology. These students will also be designated as "Ambassadors for Science " for the state, representing Madhya Pradesh in national science outreach and education initiatives,
8.6. Focus Sectors with Enhanced Incentives
To accelerate growth in high - potential , high - impact segments of the SpaceTech ecosystem , the Government of Madhya Pradesh shall provide 1.5x multiplier benefits (subject to existing caps)to enterprises engaged in the following Focus Sectors . These segments are strategically chosen based onMP's inherent strengths in academia, industry, and governance infrastructure
Focus Sector
Eligible Activities & Examples
Segment
S. No.
Midstream
1. Space Systems Testing & Qualification
Eligible Activities: Environmental testing labs ( thermal , vacuum, vibration) , EMI / EMC testing facilities , structural testing , propulsion test stands , and related simulation software.
Examples: SmaliSat qualification centers , commercial testing hubs for private and ISRO missions , development of FEA and simulation tools
Upstream/Midstream
2. Advanced Materials & Propulsion Systems
Eligible Activities : R & D and manufacturing of advanced propulsion systems (electric , green ) , composite materials for launch vehicles/satellites , radiation - hardened electronics , and miniaturized payloads , Radiation - resistant fiber optics FOGS laser communication etc.
Examples: Electric propulsion thrusters, lightweight alloy tanks Fiber gyros, satellite bus structures , precision payload components
3.
Downstream
Eligible Activities : Development of AI/ML plattforms for satellite imagery analysis crop health monitoring , yield prediction soil moisture analysis ficod / drought forecasting and urban planning Agricultural & Environmental Decision Analytics
Examples: Hyperspectral data analytics SaaS for agriculture groundwater mapping services , GiS - based infrastructure planning lools.
912
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
[ भाग 1
4. Ground Systems Midstream & SSA
Infrastructure
Eligible Activities : Establishment of Telemetry, Tracking & Command (TT& C) ground stations . SSA ground stations (radars/telescopes ) , data downlink centers , and manufacturing of related RF equipment.
Examples: Commercial ground station nelworks , SSA radar installations for debris tracking , manufacturing of antenna systems.
i . Incentive Calculation Example
Policy Reference
Incentive Head Space Tech Infrastructure Capital Subsidy Scheme ( 8.4.1 )
Base Incentive 40 % of capital investment, up to 150 crore .
Focus Sector Bonus 1 5x multiplier ( Testing & Simulation Services).
incentive Calculation for a Total Investment of ₹5 crore ( machinery + infrastructure )
Base Subsidy 40% of ₹ 5 cr = ₹2 crore .
Focus Sector Boost 2 cr × 1.5 = 3 crore .
Cap Check. 3 cr < 150 cr Eligibility of ₹3 crore incentive
9. Customised Incentives for Mega Projects
ic attract anchor investments and strategic infrastructure in the Space Tech sector, the Government of Madhya Pradesh shall offer a special incentive package for Mega Projects , defined as projects with a ותיויו mum committed investment of ₹ 75 crore in eligible SpaceTech activities . These projects may apply for a customised incentive package through the Committee for Customized Incentive Packages (CCIP)
i . Eligibility Criteria
ic qualify as a Mega Project under this policy, the applicant must :
a) Be a registered company, consortium , or institution in India .
by Commit a minimum investment of ₹75 crore in fixed assets ( land , plant , machinery, infrastructure)
c) Operate in one or more of the following domains:
Satellite or launch vehicle manufacturing
Space -grade component fabrication
Environmental and EMI /EMC testing infrastructure
High- performance computing and data analytics for space applications
Ground station and telemetry systems
a) Submit a detailed project proposal including:
Investment and employment plan
Technical specifications
Timeline for commissioning
Collaboration details ( if any ) with ISRO , IN - SPACE , DRDO , or academic institutions मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
913 भाग 1 ]
ऊर्जा विभाग
मंत्रालय , वल्लभ भवन, भोपाल
भोपाल , दिनांक 24 फरवरी 2026
क्रमांक एफ-13-32-2022- तेरह. यतः , औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन विभाग , मध्यप्रदेश शासन ने अपने आदेश क्रमांक एफ-16-51-2022- ए- ग्यारह , दिनांक 24 मई, 2023 द्वारा मेसर्स बायो स्पिनिंग प्रायवेट लिमिटेड द्वारा औद्योगिक क्षेत्र सेक्टर-3 , पीथमपुर, जिला धार में प्रस्तावित यार्न एवं फेब्रिक निर्माण परियोजना (DIPIP 22005090002) को विभिन्न सुविधाओं के साथ विद्युत शुल्क से छूट इस शर्त पर प्रदान की थी कि इकाई इस आदेश के जारी होने की तारीख से तीन वर्ष में अपना वाणिज्यिक उत्पादन प्रारंभ करेगी;
2. और, यतः , मध्यप्रदेश औद्योगिक विकास निगम लिमिटेड ने अपने पत्र दिनांक 21 जनवरी , 2025 के द्वारा सूचित किया है कि मेसर्स बायो स्पिनिंग प्रायवेट लिमिटेड की नवीन इकाई ने दिनांक 29 दिसम्बर , 2023 से वाणिज्यिक उत्पादन प्रारंभ कर दिया है तथा इकाई 33 के.व्ही. के विद्युत संयोजन पर 4500 के.व्ही.ए. की सीमा तक विद्युत भार पर दिनांक 29 दिसम्बर , 2023 से 28 दिसम्बर , 2030 (7 वर्ष) तक की अवधि के लिए विद्युत शुल्क से छूट का लाभ प्राप्त करने की पात्र है;
3. अतएव, मध्यप्रदेश विद्युत शुल्क अधिनियम, 2012 (क्रमांक 17, सन् 2012) की धारा 5 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए राज्य सरकार, एतद्वारा , मेसर्स बायो स्पिनिंग प्रायवेट लिमिटेड, जिला धार की नवीन इकाई को उसके नवीन 33के.व्ही. विद्युत संयोजन पर वितरण अनुज्ञप्तिधारी द्वारा बेची या प्रदाय की गई विद्युत पर , दिनांक 29 दिसम्बर, 2023 से शुरू होने वाली 7 वर्ष की अवधि के लिए विद्युत शुल्क के संदाय से छूट प्रदान करती है :
परंतु , विद्युत अनुज्ञप्तिधारी द्वारा बेची या प्रदाय की गई विद्युत पर विद्युत शुल्क के संदाय से ऐसी छूट केवल 33 के.व्ही. उच्चदाब विद्युत संयोजन पर 4500 के.व्ही.ए. विद्युत भार की सीमा तक ही उपलब्ध होगी.
4. यह अधिसूचना दिनांक 29 दिसम्बर, 2023 से प्रवृत हुई समझी जाएगी तथा 7 वर्ष तक के लिए प्रवृत्त रहेगी.
No. F- 13-32-2022.XIII . WHEREAS , the Industrial Policy and Investment Promotion Department , Government of Madhya Pradesh vide its order No. F - 16-51 / 2022 / A- XI , dated 24th May , 2023 has granted exemption from electricity duty along with various facilities to the proposed Yarn and Fabric Manufacturing Project ( DIPIP22005090002 ) of M/ s Bio Spinning Private Limited in Industrial Area , Sector- 3 , Pithampur , District Dhar with a condition , that the unit shall start its commercial production in three years from the date of issue of this order ;
2. AND, WHEREAS , the Madhya Pradesh Industrial Development Corporation Limited vide its letter dated 21st January , 2025 has intimated that the new unit of M/s Bio Spinning Private Limited has started its commercial production from 29th December , 2023 and the unit is eligible to avail benefit of exemption from electricity duty for the period from 29th December , 2023 to 28th December , 2030 (7 years ) on electrical load limited to 4500 KVA on 33 KV electricity connection ;
3. NOW, THEREFORE , in exercise of the powers conferred by Section 5 of the Madhya Pradesh Vidyut Shulk Adhiniyam , 2012 (No. 17 of 2012 ) , the State Government, hereby , exempts new unit of M/ s Bio Spinning Private Limited, District Dhar from payment of electricity duty on the electricity sold or supplied by distribution licensee to its new 33 KV electricity connection for a period of 7 years starting from 29th December , 2023 :
Provided that such exemption from payment of electricity duty on the electricity sold or supplied by the distribution licensee shall be available only to the extent of 4500 KVA electricity load on 33 KV high tension electricity connection .
4. This notification shall be deemed to have come into force with effect from 29th December , 2023 and shall remain in force for 7 years .
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार , व्ही.के. गौड़ , विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी.
914
भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
श्रम विभाग
मंत्रालय, वल्लभ भवन, भोपाल
भोपाल, दिनांक 23 फरवरी 2026
क्रमांक 1-837523-2026 यतः, राज्य सरकार ने इस विभाग की अधिसूचना क्रमांक 944-1282349-2023- ए- छब्बीस , दिनांक 5 जुलाई 2023 जो मध्यप्रदेश राजपत्र भाग -1 में दिनांक 21 जुलाई 2023 को प्रकाशित हुई थी के माध्यम से मध्यप्रदेश श्रम कल्याण मण्डल का गठन किया है तथा इस प्रकार गठित मण्डल के अनुक्रमांक 4 के बिन्दु क्रमांक 4 पर उल्लिखित कर्मचारियों के एक प्रतिनिधि का निधन हो जाने के कारण पद रिक्त हो गया है.
अतएव, मध्यप्रदेश श्रम कल्याण निधि अधिनियम, 1982 (क्रमांक 36 सन् 1983 ) की धारा 6 तथा धारा 4 की उप- धारा (1 ) एवं (3 ) के साथ पठित मध्यप्रदेश श्रम कल्याण निधि नियम , 1984 के नियम 5 द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए , राज्य सरकार, एतद्वारा श्री शैलेन्द्र अग्रवाल को मध्यप्रदेश श्रम कल्याण मण्डल के कर्मचारियों के एक प्रतिनिधि के रूप में नामनिर्दिष्ट करती है .
Nol - 837518-2026 WHEREAS , the State Government has constituted the Madhya Pradesh labour wel- fare Board through this department's Notification No- 944-1282349-2023 - A- XXVI , dated 5th July, 2023 , which was published in the Madhya Pradesh Gazette, Part - 1 , dated 21st July, 2023 and due to the demise of one of the members , mentioned at point number 4 of serial number 4 , the post of the Representative of Employees of the Board , so constituted , has become vacant .
NOW, THEREFORE, in exercise of the powers conferred by Section of 6 and sub - section ( 1 ) and (3 ) of Section 4 of the Madhya Pradesh Shram Kalyan Nidhi Adhiniyam , 1982 (No. 36 of 1983 ) read with rule 5 ofthe Madhya Pradesh Shram Kalyan Nidhi Niyam, 1984 , the State Government , hereby, nominates Shri Shailendra Agarwal , as one of the member of the Representative of Employees of the Madhya Pradesh labour Welfare Board.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, संजय कुमार , अपर सचिव.
915
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
गृह (सामान्य) विभाग
मंत्रालय, वल्लभ भवन, भोपाल
भोपाल, दिनांक 27 फरवरी 2026
HOM / 32 /0006 / 2025 - Gen - 02 ( HOM ): जनगणना अधिनियम, 1948 (अधिनियम संख्या वर्ष 1948 का 37 ) की धारा 4 की उपधारा (2) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए तथा जनगणना नियम, 1990 के नियम 3 के अनुसरण में, राज्य शासन एतद्द्वारा नीचे दर्शाई गई अनुसूची के कॉलम (2 ) में निर्दिष्ट अधिकारियों को जनगणना 2027 के लिये कॉलम (4 ) में दर्शाये क्षेत्राधिकार के अंतर्गत कॉलम (3 ) में दर्शाये प्राधिकार के अनुरूप जनगणना अधिकारी के रूप में नियुक्त करता है: -
अनुसूची
क्षेत्राधिकार (4)
प्राधिकार (3)
पदाधिकारी (2)
सरल क्र . (1)
उनसे संबन्धित क्षेत्राधिकार के अंतर्गत 1
पर्यवेक्षक
सामान्यतः वह अधिकारी जो पद में प्रगणकों सेवरिष्ठ होगा
उनसे संबन्धित क्षेत्राधिकार के अंतर्गत
प्रगणक
2
शिक्षक, क्लर्क अथवा अन्य कर्मचारी अथवा अन्य व्यक्ति
HOM /32 / 0006 /2025 - Gen - 02 ( HOM ) : In exercise of the powers conferred by sub- section (2) of Section 4 of the Census Act , 1948 ( No. 37 of 1948) and in pursuance of rule 3 of Census Rules, 1990 the State government hereby appoints the authorities mentioned in column 2 of the Schedule below as Census Officers designated in column 3 for the Census 2027 within the local areas specified in column 4 thereof: -
SCHEDULE
Local Areas (4)
Authorities (2)
Designation (3)
S. No. (1)
1
Supervisor
Officersgenerally of a rank higher than enumerator.
Within the limits of their respective areas .
2
Enumerator
Within the limits of their respective areas .
Teachers, Clerks or any official or any person.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, अभिषेक सिंह , सचिव एवं राज्य नोडल अधिकारी.
916
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
[ भाग 1
विभाग प्रमुखों के आदेश
संचालनालय , नगर तथा ग्राम निवेश , मध्यप्रदेश , भोपाल
पर्यावरण परिसर , ई-5 , अरेरा कॉलेनी , मध्यप्रदेश, भोपाल
क्रमांक 1-503956-2026- वियो-2026
भोपाल , दिनांक 24 फरवरी 2026
ग्वालियर विकास योजना , 2035 में प्रस्तावित उपांतरण की सूचना
एतद् द्वारा यह सूचना दी जाती है कि ग्वालियर निवेश क्षेत्र के लिए ग्वालियर विकास योजना, 2035 में उपांतरण का प्रारूप म.प्र नगर तथा ग्राम निवेश अधिनियम , 1973 ( क्र . 23 सन् 1973 ) की धारा 23 की उपधारा ( 2 ) सहपठित धारा 18 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार निम्नानुसार प्रकाशित किया गया है, जिसकी प्रति निरीक्षण के लिए निम्न कार्यालयों में उपलब्ध हैं - 1. आयुक्त, ग्वालियर संभाग , ग्वालियर , म.प्र.
2. कलेक्टर , जिला ग्वालियर , म.प्र .
आयुक्त, नगर पालिक निगम , ग्वालियर , म.प्र. 3 .
4. संयुक्त संचालक , नगर तथा ग्राम निवेश, जिला कार्यालय ग्वालियर , म.प्र.
प्रस्तावित उपांतरण
ग्वालियर विकास योजना , 2035 के अध्याय-5 की कंडिका 5.20 तल क्षेत्र अनुपात की सारणी 5 - सा-9 के बिन्दु क्रमांक-2 को निम्नानुसार प्रतिस्थापित किया जाना प्रस्तावित किया जाता है:-
2- Premium on FAR की दर निम्नानुसार संगणित की जाएगी -
किसी भू- खण्ड हेतु प्रीमियम द्वारा क्रय किए जाने वाले कलेक्टर दिशा –निर्देश दर x वाछित अतिरिक्त निर्माण योग्य क्षेत्रफल की मात्रा हेतु राशि निर्माण योग्य क्षेत्रफल x 0.25 ( रूपये में )
प्रस्तावित उपांतरण के ब्यौरे सूचना प्रकाशन की तिथि से 30 दिन के समयावधि के लिये आम जनता के निरीक्षण हेतु www.mptownplan.gov.in बेवसाईट पर भी उपलब्ध होंगे यदि कोई आपत्ति/सुझाव प्रसुतावित उपांतरण के संबंध में होहो तो उसे लिखित रूप में संयुक्त संचालक, नग तथा ग्राम निवेश, जिला कार्यालय ग्वालियर , म.प्र. को इस सूचना के म.प्र राजपत्र में प्रकाशित होने के दिनांक से 30 दिवस की अवधि का अवसान होने के पूर्व समयक विचार हेतु प्रस्तुत किया जा सकता है।
श्रीकांत बनोठ , आयुक्त- सह- संचालक.
917
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
कार्यालय , कलेक्टर , जिला दण्डाधिकारी , जिला गुना , मध्यप्रदेश
क्रमांक- एस.डब्लू०-9-20-210-2021-2025-787
गुना, दिनांक 04 दिसम्बर 2025
प्रबंधक (ओ एंड एम) गैल (इण्डिया ) लिमि० विजयपुर द्वारा आवेदन प्रस्तुत कर तहसील गुना ग्रामीण के ग्राम कुंदौल के सर्वे क्रमांक 33 रकबा 0.563 हे , व ग्राम म्याना के सर्वे क्रमांक 865/5/2 रकबा 0.0004 हे0 , 865/7/2 रकवा 0.041 हे0 , 865/7/1/2 रकवा 0.071 हे0 , 865/5/1/2 रकवा 0.0003 हे0 , 865/7/1/1/1/2 रकवा 0.0081 हे 0 में स्थापित सुरक्षा वाल्व (एस.व्ही. ) स्टेशनों को प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित करने का अनुरोध किया गया है।
सम्बंधित अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) गुना, द्वारा नायब तहसीलदार म्याना तहसील गुना ग्रामीण से स्थल जांच कराई गई । बाद जांच प्रतिवेदन भेजते हुये , ग्राम कुंदौल में स्थित भूमि सर्वे नंबर 33/1 में वर्तमान में गैस पाईपलाईन स्टेशन गैस अथॉरिटी ऑफ इंडिया लि. दर्ज है । उक्त स्टेशन के चारों ओर से पक्की दीवार की बाउन्ड्री लाईन से स्टेशन घिरा हुआ है। सुरक्षा दृष्टि से उक्त क्षेत्र प्रतिबंधित निषेध क्षेत्र घोषित किया जाना उचित होगा तथा हल्का पटवारी ग्राम म्याना द्वारा प्रतिवेदित किया गया कि ग्राम म्याना में स्थित भूमि सर्वे नंबर 865/5/2 रकबा 0.0004 है0, 865/7/2 रकबा 0.041 हे0 , 865/7/1/2 रकबा 0.071 है0 , 865/5/1/2 रकबा 0.003 है0 , एवं 865/7/1/1/1/2 रकबा 0.081 है0 , भूमि वर्तमान में दादरी गैस पाईप लाईन स्टेशन गैस अथोरिटी ऑफ इंडिया लि. दर्ज है । उक्त स्टेशन चारों ओर से पक्की दीवार की बाउन्ड्री लाईन से घिरा हुआ है सुरक्षा की दृष्टि से उक्त क्षेत्र प्रतिबंधित निषेध क्षेत्र घोषित किया जाना उचित होगा। गैस पाईप लाइन स्टेशन संवेदनशील होकर व अत्यंत ज्वलनशील गैस पाईप लाईन इस स्थल पर भूमि की सतह से उपर स्थित होने से कतिपय असामाजिक तत्वों द्वारा नकारात्मक गतिविधियों को किये जाने की संभावनाओं को देखते हुये सुरक्षा की दृष्टि से प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित किये जाने हेतु अनुशंसा सहित प्रतिवेदित प्रेषित किये गये हैं ।
उपरोक्तानुसार प्राप्त प्रतिवेदनों से यह स्पष्ट है कि "विजयपुर (गुना) से औरैया" एवं "विजयपुर ( गुना) से दादरी" गैस पाइपलाइन एस० व्ही ० स्टेशन स्थल संवेदनशील क्षेत्र होकर अत्यंत ज्वलनशील गैस का परिवहन पाईपलाईन के माध्यम से होने व पाईपलाईन भूमि की सतह से उपर होने के कारण उक्त क्षेत्र पर कतिपय असामाजिक तत्वों द्वारा अप्रिय घटना संभावित है । अतः सुरक्षा की दृष्टि से जनहित में उपरोक्त क्षेत्रों को प्रतिबंधित/निषेध क्षेत्र घोषित करना आवश्यक हो गया है ।
अतः गैल (इण्डिया ) लिमिटेड के आवेदन -पत्र तथा अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) गुना के उपर्युक्त अभिमत के आधार पर अनुसूची में वर्णित स्थान को म0 प्र 0 राज्य सुरक्षा अधिनियम 1990 की धारा -28 के प्रावधानान्तर्गत निम्न प्रतिबंधों के साथ प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित किया जाता है -
-::अनुसूची::-
सर्वे क्रमांक एवं रकबा
स्टेशन जिला तहसील ग्राम
एस0व्ही ) स्टेशन की चतुर्थ सीमा
SV
33 रकबा 0.563 हे
गुना गुना कुंदौल
उक्त स्टेशन चारो ओर से पक्की दीवार की बाउन्ड्री लाईन से घिरा हुआ है ।
उत्तर दक्षिण पूर्व पश्चिम
सर्वे क्रमांक 865/5/2 रकबा 0.0004 हे 0 ,
म्याना
SV गुना गुना
उक्त स्टेशन चारो ओर से पक्कीदीवार की बाउन्ड्री लाईन से घिरा हुआ है ।
उत्तर दक्षिण पूर्व पश्चिम
865/7/2 रकवा 0.041 हे0 , 865/7/1/2 रकवा 0.071 हे0 , 865/5/1/2 रकवा 0.0003 हे 0, 865/7/1/1/1/2 रकवा 0.0081 हे0 918
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
[ भाग 1
कोई भी व्यक्ति राज्य सरकार की या जिला मजिस्ट्रेट की या ऐसे अन्य अधिकारी की, जो राज्य सरकार ट्वारा इस निमित्त प्राधिकृत किया जाए , अनुज्ञा के बिना किसी भी संरक्षित स्थान में प्रवेश नहीं करेगा या उस पर या उसमें नहीं रहेगा या उस पर नहीं जायेगा या उसके सामीप में नहीं घूमेंगा। 1 02. जहां ( 1 ) के अनुसरण में किसी व्यक्ति को किसी संरक्षित स्थान में प्रवेश करने, उस पर या उसमें रहने या उस पर जाने की अनुज्ञा दी जाती है वहां वह व्यक्ति ऐसी अनुज्ञा के अधीन कार्य करते समय , अपने आचरण को विनियमित करने के लिये ऐसे निर्देशों का अनुपालन करेगा जो उस प्राधिकारी द्वारा दिये जाये जिसने अनुज्ञा दी है ।
03. यदि कोई व्यक्ति इस धारा के किसी उपबंध के उल्लघंन में किसी संरक्षित स्थान में , प्रवेश करेगा या रहेगा , तो ऐसी किन्हीं भी अन्य कार्यवाहियों पर जो उसके विरुद्ध की जा सकती हो , प्रतिकूल प्रभाव डाले बिना , उसे किसी पुलिस अधिकारी द्वारा या राज्य सरकार द्वारा इस निमित्त प्राधिकृत किये गये किसी अन्य व्यक्ति द्वारा वहां से हटाया जा सकेगा।
04. यदि कोई व्यक्ति इस धारा के उपबंधों में से किसी उपबंध का उल्लघंन करेगा तो वह कारावास से, जिसकी अवधि तीन वर्ष तक की हो सकती है , या जुर्माने से या दोनों से दण्डनीय होगा।
05. संरक्षित स्थान पर तकनीकी सुरक्षा प्रबंधों की समुचित व्यवस्था की जावे ।
06. किसी भी प्रकार की लापरवाही के कारण दुर्घटना घटने पर संपूर्ण उत्तरदायित्व गैल ( इण्डिया) लिमिटेड, विजयपुर का होगा।
यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होगा।
किशोर कुमार कन्याल , कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी .
भाग 1 ]
919
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
कार्यालय , कलेक्टर, जिला बुरहानपुर, मध्यप्रदेश
बुरहानपुर, दिनांक 15 जनवरी 2026
क्र. क.व.लि. - 2026-229 .- सामान्य पुस्तक परिपत्र भाग के अनुक्रमांक 04 के पैरा 05 तथा मध्यप्रदेश शासन, सामान्य प्रशासन विभाग, मंत्रालय , वल्लभ भवन , भोपाल के परिपत्र क्रमांक एम - 3-23-1999- एक-4 , दिनांक 30 मार्च 1999 में विहित शक्तियों का प्रयोग करते हुए, मैं, हर्ष सिंह , कलेक्टर, जिला बुरहानपुर , वर्ष 2026 के लिये जिले की सीमा क्षेत्र हेतु निम्नानुसार दर्शाई गई तिथियों में 03 ( तीन ) स्थानीय अवकाश (LOCAL HOLYDAY) घोषित करता हूँ :-
क्र. दिनांक पर्व / त्यौहार दिन विवरण (1) (2) (3) (4) (5) 1 . 10 सितम्बर 2026 पोला पिठोरा गुरुवार सम्पूर्ण जिले के लिये 2. 25 सितम्बर 2026 सम्पूर्ण जिले के लिये
अनंत चतुदर्शी
3.
शुक्रवार
सोमवार
सम्पूर्ण जिले के लिये
दुर्गानवमी (महानवमी)
19 अक्टूबर 2026
यह अवकाश बैंक एवं कोषालय/उप - कोषालयों पर लागू नहीं रहेगा .
हर्ष सिंह , कलेक्टर.
कार्यालय , कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी, जबलपुर, मध्यप्रदेश
जबलपुर, दिनांक 14 जनवरी 2026
क्र. 335- स.अ. (का. )- 2026 .- मध्यप्रदेश शासन , सामान्य प्रशासन विभाग , मंत्रालय , भोपाल की अधिसूचना क्रमांक एम-3-2-1999- एक -4 , भोपाल , दिनांक 30 मार्च 1999 के द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, मैं, राघवेन्द्र सिंह, भा. प्र. से. , कलेक्टर, जिला जबलपुर, कैलेण्डर वर्ष 2026 में जिला जबलपुर के लिये निम्नलिखित तिथियों में पूरे दिवस के लिये स्थानीय अवकाश घोषित करता हूँ :-
रिमार्क
दिन
स्थानीय अवकाश की
क्र.
त्यौहार का नाम
तारीख
(3)
(2)
(1)
5 मार्च 2026 1 .
होली की भाईदोज
2.
दुर्गा नवमर्मी
(5)
(4)
गुरुवार
सम्पूर्णजिला
सोमवार
सम्पूर्णजिला
19 अक्टूबर 2026
11 नवम्बर 2026 दीपावली की भाईदोज
3.
सम्पूर्णजिला बुधवार
उपरोक्त स्थानीय अवकाश कोषालय/उप- कोषालयों तथा बैंकों पर प्रभावशील नहीं होगा.
राघवेन्द्र सिंह , कलेक्टर.
920
[ भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
राज्य शासन के आदेश
कार्यालय , कलेक्टर , जिला सिवनी , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
सिवनी, दिनांक 2 फरवरी 2026
क्र. 434 - भू- अर्जन-2026 , रा. प्र. क्र. 0002 - अ- 82-2025-26 .- मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग, मंत्रालय , भोपाल द्वारा जारी अधिसूचना क्रमांक एफ-12-2-2014- सात-2 ए, भोपाल, दिनांक 12 नवम्बर 2014 के अनुसार आपसी सहमति से भूमि क्रय- नीति जारी की गई है . आपसी सहमति से भूमि क्रय - नीति के तहत् कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग, सेतु निर्माण संभाग , जबलपुर के द्वारा सिवनी जिले के अतरी से खामी मार्ग के कि.मी. 2/4 में हिरीं नदी पर पहुंच मार्ग सहित जलमग्नीय पुल का निर्माण कार्य किये जाने हेतु निम्नांकित अनुसूची अनुसार खातेदारों की भूमि की आवश्यकता होने के कारण आपसी सहमति से भूमि क्रय नीति की कंडिका 9 अनुसार खातेदारों द्वारा प्रारुप " ख " में सहमति प्रस्तुत की गई है, खातेदारों की सहमति अनुसार कंडिका 11 ( 1 ) के अंतर्गत सर्वसाधारण सार्वजनिक सूचना जारी की जा रही है .
अतः , निम्नांकित अनुसूची में दर्शित भूमि के संबंध में किसी व्यक्ति / संस्था को भूमि के स्वत्व के विषय में कोई आपत्ति हो तो, वह अधोहस्ताक्षरकर्ता के कार्यालय / न्यायालय में उपस्थित होकर सूचना प्रकाशन दिनांक से 15 दिवस के भीतर ( अवकाश के दिनों को छोड़कर ) कार्यालयीन समय में आपत्ति प्रस्तुत कर सकता है . नियत अवधि के पश्चात् प्राप्त होने वाली आपत्ति पर विचार नहीं किया जावेगा :-
ग्राम मा अनुसूची
खातेदार का नाम
जिला
तहसील
नाम / प.ह.नं.
(1) सिवनी
(2) बरघाट रा.नि.मं. बरघाट
(3) खामी प.ह.नं. 21 ख. नं.
अन्य परिसंपत्ति काविवरण क्रय करने हेतु प्रस्तावित रकबा ( हे. में)
सिंचित / असिंचित भूमिका विवरण
(8) (6)
(7)
(5) 95/2
0.03
सिंचित
(4) गीता पत्नी दशरथ जाति पंवार नि.ग्रा. भूमिस्वामी.
क्र. 435- भू- अर्जन-2026 , रा. प्र. क्र. 0001-अ- 82-2025-26 .- मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग, मंत्रालय, भोपाल द्वारा जारी अधिसूचना क्रमांक एफ-12-2-2014- सात-2 ए, भोपाल , दिनांक 12 नवम्बर 2014 के अनुसार आपसी सहमति से भूमि क्रय- नीति जारी की गई है. आपसी सहमति से भूमि क्रय- नीति के तहत् कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग , सेतु निर्माण संभाग , जबलपुर के द्वारा सिवनी जिले के अतरी से खामी मार्ग के कि.मी. 2/4 में हिरीं नदी पर पहुंच मार्ग सहित जलमग्नीय पुल का निर्माण कार्य किये जाने हेतु निम्नांकित अनुसूची अनुसार खातेदारों की भूमि की आवश्यकता होने के कारण आपसी सहमति से भूमि क्रय- नीति की कंडिका 9 अनुसार खातेदारों द्वारा प्रारुप " ख " में सहमति प्रस्तुत की गई है, खातेदारों की सहमति अनुसार कंडिका 11 ( 1 ) के अंतर्गत सर्वसाधारण सार्वजनिक सूचना जारी की जा रही है.
अतः , निम्नांकित अनुसूची में दर्शित भूमि के संबंध में किसी व्यक्ति / संस्था को भूमि के स्वत्व के विषय में कोई आपत्ति हो तो, वह अधोहस्ताक्षरकर्ता के कार्यालय / न्यायालय में उपस्थित होकर सूचना प्रकाशन दिनांक से 15 दिवस के भीतर (अवकाश के दिनों को छोड़कर ) कार्यालयीन समय में आपत्ति प्रस्तुत कर सकता है. नियत अवधि के पश्चात् प्राप्त होने वाली आपत्ति पर विचार नहीं किया जावेगा :-
जिला
तहसील
अनुसूची
ख. नं.
खातेदार का नाम
ग्राम का नाम / प.ह.नं.
(2)
बरघाट
(1) सिवनी
अन्य परिसंपत्ति का विवरण क्रय करने हेतु प्रस्तावित रकबा (हे. में )
सिंचित / असिंचित भूमिका विवरण
(6)
(8)
(7)
0.08
(5) 607
सिंचित
(4)
तिलकचंद कोलन
(3) अतरी प.ह.नं.
रा.नि.म. बरघाट
26
तीरन बैयन्ता सैयन्ता पिता सालिकराम दिलीप पुत्र गयाप्रसाद मधु पत्नी संजय गगन पुत्र संजय जाति पंवार भूमिस्वामी.
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, शीतला पटले कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
921
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
कार्यालय , कलेक्टर , जिला सतना , मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
सतना, दिनांक 30 जनवरी 2026 क्र. - 161 - भू- अर्जन -2026
चूंकि राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची के पद (1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची के पद (2) में उल्लिखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है । अतः भूमि अर्जन पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013की धारा 19 संशोधन (क्र. एक, सन् 2013) के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिये आवश्यकता है:-
अनुसूची
(1 ) भूमि का वर्णनः- (म.प्र. शासन/ निजी खाता)
(क) जिला -सतना
(ख) तहसील- नागौद
(ग) नगर / ग्राम - पवइया
(घ) क्षेत्रफल- 1.0340 हे०
खसरा नं.
क.
भूस्वामी का नाम / पिता का नाम
कुल रकवा
अर्जित रकवा
4
5
3
2
1
0.0060
0.2300
39/2
1 राजेन्द्र सिंह पिता मुनेश्वर सिंह पता पवइया नागौद सतना भूमि स्वामी
0.2580
1.0240
45
2 नत्थू सिंह पिता विशेषर सिंह पता पवझ्या नागौद सतना भूमि स्वामी
0.0520
0.0940
46
3 नत्थू सिंह पिता विशेषर सिंह पता पवइया नागौद सतना भूमि स्वामी
0.1020
468/2 0.6120 महादेव पिता रामहेत ब्रा. पता पवइया नागौद सतना भूमि स्वामी
4
0.0940
475/4 0.1610 5 रामदीन पिता चुनवदिया धोबी पता पवइया नागौद सतना भूमि स्वामी
0.3900
0.6850
485/1
6 कन्छेदी पिता रमेसुरा बढ़ई पता पवइया नागौद सतना भूमि स्वामी
0.0630
0.3560
488/2/23
सुशील पत्नी विष्णु कुमार गौतम पता शास्त्री नगर वार्ड क. 3 नागौद सतना
7
0.0280
0.3260
490/1/2/1
धर्मेन्द्र सिंह पिता ललन सिंह पता पवइया नागौद सतना भूमि स्वामी
8 |
0.0910 0.0410
528/1/10/2/1
धर्मेन्द्र सिंह पिता ललन सिंह पता पवइया नागौद सतना भूमि स्वामी
9
1.0340 योग
(2) सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये अर्जन आवश्यक है- कार्यपालन यंत्री नर्मदा विकास संभाग क्रमांक-1 नागौद, जिला सतना म.प्र. द्वारा नागौद-सतना शाखा नहर मुख्य नहर के निर्माण हेतु।
(3) भूमि के नक्शे (प्लान) का निरीक्षण कलेक्टर (मू-अर्जन) जिला- सतना के न्यायालय में किया जा सकता है।
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,
सतीश कुमार एस. , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
922
भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
कार्यालय , कलेक्टर, जिला सीहोर, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
प्र.क्र.-7- अ-82-2025-26
सीहोर , दिनांक 4 फरवरी 2026
[अंतर्गत धारा -1 भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 (कं 30 सन् 2013 ) .]
प्रकरण क्रमांक 003 / अ-82/ 2023-2024, चूकि राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया हैं कि नीचे दी गई अनुसूची के पद (2 ) में उल्लेखित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता हैं । अतः भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 19 के अंतर्गत इसके द्वारा यह घोषित किया जाता हैं कि उक्त भूमि की उक्त प्रयोजन के लिए आवश्यकता हैं ।
अनुसूची (1 )
भूमि का वर्णन
तहसील/ग्राम
जिला
2
1 सीहोर
आष्टा/ मुल्लानी मंगलपुर
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
क्षेत्रफल (हेक्ट.)
5
3
0.242
गवाखेडा जलाशय निर्माण से डूब प्रभावित हेतु पूरक भू-अर्जन
अनुसूची (2)
भूमि/ संपत्ति का विवरण
तहसील:- आष्टा
जिला:- सीहोर
रिमार्क
सर्वे नंबर
स.क्र.
कृषक का नाम व पिता/ पति का नाम
2
1
1
कपिलसिंह पिता शिवनारायण जाति पवार निवासी ग्राम भूमिस्वामी
अर्जित रकबा (हेक्ट.)
कुल रकबा (हेक्ट.)
5
6
4
3
0.242
0.365
354/2/1
1. भूमि के नक्शे (प्लान ) आदि का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं भू-अर्जन अधिकारी अनुविभाग आष्टा जिला सीहोर के कार्यालय में किया जा सकता हैं ।
2. अधिसूचना के प्रकाशन उपरांत विहित 15 दिवस के भीतर किसी भी व्यक्ति को कोई आपत्ति हो तो अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व) एवं भू-अर्जन अधिकारी अनुविभाग आष्टा जिला सीहोर के कार्यालय में प्रस्तुत की जा सकती हैं ।
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,
बालागुरू के. , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
923
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
कार्यालय , कलेक्टर , जिला सीधी, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग
क्र. - 154- भू- अर्जन-2025
सीधी , दिनांक 5 फरवरी 2026
चूँकि राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि इस संलग्न अनुसूची के खाने (1 ) से (5) में वर्णित भूमि की अनुसूची के खाने (5) में उसके सामने दिए गए सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है । अतः भूमि- अर्जन पुर्नवास और पुर्नव्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -11 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधो के अनुसार सभी सम्बन्धित व्यक्तियों को इसके द्वारा इस आशय की सूचना दी जाती है कि कोई भी व्यक्ति इस अधिसूचना के प्रकाशन की तारीख से इस अधिनियम के अधीन कार्यवाहियों के पूरा हो जाने तक अधिसूचना में विर्निदिष्ट भूमि का कोई संव्यवहार नहीं करेगा या कोई संव्यवहार नहीं करायेगा अथवा ऐसी भूमि पर कोई विलंगम सृजित नहीं करेगा । राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने (5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के सम्बन्ध में धारा -12 द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने हेतु प्राधिकृत करता है ।
यह परियोजना आम जनता के व्यापक एवं दूरगाती हितों से सम्बद्ध है तथा यह कार्य सोन नदी पर उच्च स्तरीय पुल एवं पहुँच मार्ग निर्माण कार्य का भाग है , यह अर्जन की कार्यवाही रेखिक दिशा में हो रही है तथा इसमें क्षेत्र में परिवारों का विस्थापन कम संख्या में होगा । अतः उपर्युक्त कारणों से इसमें सामाजिक समाघात के निर्धारण अध्ययन की आवश्यकता प्रतीत नहीं होती है ।
( 1 ) भूमि का वर्णन-
(क) जिला
(ख) तहसील
(ग) ग्राम
(घ) पटवारी हल्का का नाम व नम्बर
(ड.) निजी भूमि का अर्जित क्षेत्रफल
सरल क्रमांक
खसरा नम्बर
02 01
01
1306 02
1305/1/2 03
1302/1/1/2
1302/1/2 04
05
1303/2/1/1 06
1303/2/2/1 07
1303/2/3/1 08
1303/1/2 09
1303/2/1/1
कुल रकवा हे ० में -: अनुसूची: -
सीधी
रामपुर नैकिन
डिठौरा
00038 डिठौरा
रकवा 0.2300 हे ०
अर्जित रकवा
टिप्पणी कुल रकवा
03
05
04
0.3400
0.0300
कार्यपालन यंत्री , लोक 0.0080
0.0500
1.0900
0.0300
0.6000
0.0480
0.1338
0.0080
निर्माण विभाग , सेतु निर्माण संभाग रीवा (म.प्र.) 0.6675
0.0370
0.0330
0.6675
0.0180
0.1400
0.1238
0.0180
3.8126
0.2300
भूमि का नक्शा (प्लान) उपखण्ड अधिकारी चुरहट/रामपुर नैकिन के कार्यालय में देखा जा सकता है ।
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,
स्वरोचिष सोमवंशी, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
924
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
[भाग 1
कार्यालय, कलेक्टर , जिला देवास , मध्यप्रदेश एवं समुचित सरकार ,
मध्यप्रदेश शासन, राजस्व विभाग
देवास, दिनांक 17 फरवरी 2026 क्र. - 722 - भू- अर्जन -2026
चूँकि राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची क्रमांक 1 में उज्जैन से मक्सी मार्ग ( मक्सी बायपास) एस.एच. 16 / एम.डी.आर. मार्ग के चौडीकरण एवं विस्तारीकरण उन्नयन एवं निर्माण हेतु ग्राम दखनीपुर , तहसील टोकखुर्द जिला देवास के लिए वर्णित भूमि जिसका कृषकवार एवं सर्वे कमांक वार विवरण अनुसूची (1 ) में उल्लेखित है । सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है ।
योजना का निर्माण कार्य किया जाना प्रस्तावित है । प्रस्तावित सर्वे कमांक की उज्जैन से मक्सी मार्ग (मक्सी बायपास ) एस.एच. 16 / एम.डी.आर. मार्ग के चौडीकरण एवं विस्तारीकरण उन्नयन एवं निर्माण के लिए भू- अधिग्रहण हेत अधिग्रहण किया जाना है । अतः सोशल इम्पेक्ट असेसमेंट सर्वेक्षण की आवश्यकता नहीं है ।
अतः भूमि अर्जन, पुनर्वास और पुनर्व्यस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 (क. 30 सन् 2013) की धारा 19 के अन्तर्गत घोषित किया जाता है कि निम्न वर्णित अनुसूची (2) की भूमि की अनुसूचि (1 ) में अंकित सार्वजनिक प्रयोजनार्थ आवश्यकता है ।
अनुसूची-1
ग्राम दखनीपुर, तहसील टोकखुर्द जिला देवास
विवरण
क.
अर्जित की जाने भूमि का कुल रकबा (हैक्टर)
सिंचित
असिंचित
योग
1.
4.9970
4.9970 निजी
उज्जैन से मक्सी मार्ग( मक्सी वायपास) एस.एच. 16/ एम . डी. आर. मार्ग के चौड़ी करण एवं विस्तारीकरण उन्नयन एवं निर्माण कार्य हेतु
अनुसूची-2
ग्राम दखनीपुर , तहसील टोकखुर्द जिला देवास की प्रभावित भूमि का विवरण :-
क्र.
भूमि का कुल रकबा
कृषक का नाम व पिता/ पति का नाम
खसरा कमांक
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल रकबा
सिंचित
सिंचित
चत असििं कुल
(हैक्टर) असिं कुल चित
1.
1/2 0.3800
0.3800 0.1010
0.1010 मेहरबान पिता गिरधारी जाति बलाई पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्यप्रदेश भूमि स्वामी अहस्तांतरणीय
2.
1/3 0.5000
0.5000 0.2400
0.2400 जगदीश पिता गिरधारी जाति बलाई पता निवासी ग्राम अहस्तांतरणीय
3.
1/4 0.5000
0.5000 0.0280
0.0280 बद्रीलाल पिता गिरधारी जाति बलाई पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमिस्वामी अहस्तांतरणीय 925
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
4.
4
हजारीलाल पिता लक्ष्मीनारायण जाति खाती पता छोटामालसापूरा
5.
1.4100
1.4100 0.4810
0.4810
6
शाबीर खां पिता मोहम्मदखां पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
6.
0.4700
0.4700 0.0200
0.0200
30
राजेश पिता हजारीलाल जाति खाती पता छोटामालसापुरा देवास देवास मध्यप्रदेश भूमि स्वामी
7.
0.8800
0.1090
0.8800 0.1090
0.3840
5
शाबीर खां पिता मोहम्मद खां पता दखनीपुर टोंकखुर्द दवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
8.
0.4700 0.3840
0.4700
0.4540
0.4540
10/1
सुमनबाई पति बाबुलाल पवित्राबाई पति लक्ष्मीनारायण जाति खाती पता निवासी ग्राम मक्सी भूमि स्वामी
9.
राजेश बेवा निर्भयसिंह दुर्गाबाई बेवा निर्भयसिंह जाति धाकड पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
10
1.4300
1.4300
0.2820 0.8900 0.2820
0.8900
0.0600 0.2000 0.0600
0.2000
11/2
कन्हैया पिता रमेशचन्द्र मण्डलोई जाति खाती पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी यशवंत पित लक्ष्मण सिंह जाति खाती पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.3100
0.3100
2.0000
2.0000
12/1
11.
नगजीराम पिता रामसिंह जाति धाकड पत दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.0380 0.1800
12/2
12.
रामसिंह पिता उमरावसिंह जाति धाकड पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.0380
0.1800
0.2650
0.2650
1.1600
13 13
धीरेंद्र पिता महेष पटेल जाति खाती पता चंदाना देवास मध्यप्रदेष भूमि स्वामी
14
1.1600
0.0280
0.0280
1.0500
1.0500
15/1
ईश्वरसिंह पिता उंकारसिंह जाति राजपूत पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास
15
0.0750
0.0750
0.6000
0.6000
20/2
धीरेंद्र पिता महेश पटेल जाति खाती पता चंदाना देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.0400 0.2700 0.0400
105
16
कुबराबाई बेवा कामिलखाँ जाति मुसलमान पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्यप्रदेश भूमि स्वामी 0.2700
0.0050
0.0050
1.7400
1.7400
16/2/2
17
सीमा पति जितेन्द्र वर्मा जाति खाती पता जामगोद देवास मध्यप्रदेश भूमि स्वामी
1.1780
1.1780
1.9900
1.9900
16/1
18
जैनुल अबिदीन पिता मोहम्मद वासिल खाँ पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश
19
107/1
मोहम्मद वासीलखाँ पिता कामिलखॉ जाति मुसलमान पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
20
0.4800
0.4800 0.2200
0.2200
107/2
मोहम्मदजुनैद खा शहाना अंजुम नाजिया अंजुम शगुफतां अंजुम पिता मोहम्मद शागिल खा जाहिदा पति शागिल खा जाति मुसलमान पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि
स्वामी
21
0.4800 0.2020
0.2020 0.4800
0.5000
112/1
हेमसिंह पिता अमरसिंह जाति धाकड़ पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
22
0.5000
0.1240
0.1240
0.1460
109/1
पोपसिंह पिता प्रेमसिंह जाति धाकड पता निवासी ग्राम भूमि स्वामी
23
0.7600
0.1460
0.7600
0.7600 0.2070
0.2070
109/2 0.7600
कालुसिंह पिता प्रेमसिंह पता दखनीपुर टोंकखुर्द देवास मध्यप्रदेश भूमि स्वामी
4.9970 19.1000
19.1000 4.9970 926
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
[भाग 1
क्र.-725-भू-अर्जन-2026
चूँकि राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची क्रमांक 1 में उज्जैन से मक्सी मार्ग (मक्सी बायपास) एस.एच. 16 / एम.डी.आर. मार्ग के चौडीकरण एवं विस्तारीकरण उन्नयन एवं निर्माण हेतु ग्राम दोन्ताजागीर, तहसील टोकखुर्द जिला देवास के लिए वर्णित भूमि जिसका कृषकवार एवं सर्वे कमांक वार विवरण अनुसूची (2 ) में उल्लेखित है । सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है ।
योजना का निर्माण कार्य किया जाना प्रस्तावित है । प्रस्तावित सर्वे क्रमांक की उज्जैन से मक्सी मार्ग (मक्सी बायपास ) एस.एच. 16 / एम.डी. आर. मार्ग के चौडीकरण एवं विस्तारीकरण उन्नयन एवं निर्माण के लिए भू-अधिग्रहण हेतु अधिग्रहण किया जाना है । अतः सोशल इम्पेक्ट असेसमेंट सर्वेक्षण की आवश्यकता नहीं है ।
अतः भूमि अर्जन, पुनर्वास और पुनर्व्यस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 (क. 30 सन् 2013 ) की धारा 11 के अन्तर्गत घोषित किया जाता है कि निम्न वर्णित अनुसूची (2 ) की भूमि की अनुसूचि (1 ) में अंकित सार्वजनिक प्रयोजनार्थ आवश्यकता है ।
अनुसूची -1
ग्राम दोन्ताजागीर, तहसील टोकखुर्द जिला देवास
विवरण
क.
अर्जित की जाने भूमि का कुल रकबा (हेक्टर)
असिंचित
सिंचित
योग
4.2400
4.2400 निजी
1. उज्जैन से मक्सी मार्ग ( मक्सी वायपास) एस.एच. 16/एम. डी. आर. मार्ग के चौड़ी करण एवं विस्तारीकरण उन्नयन एवं निर्माण कार्य हेतु
अनुसूची- 1
ग्राम दोन्ताजागीर, तहसील टोकखुर्द जिला देवास की प्रभावित भूमि का विवरण :-
भूमि का कुल रकबा
खसरा क्रमांक
क्र कृषक का नाम व पिता / पति का नाम
अर्जित की जाने वाली भूमि का कुल रकबा (हेक्टर)
सिंचित असिंचित कुल
सिंचित असिंचित कुल
0.0600 0.0600
0.0600
1.
0.060 0
380/1599/1
/4
राजपूत पता दौन्ताजागीर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी जोरावर सिह पिता मोडसिह जाति
0.0250
0.0250
0.0600
2.
0.0600
380/1599/2
/4
सुमेरसिह पिता मोडसिह जाति
राजपूत पता दौन्ताजागीर टोंकखुर्द
देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.2600 0.0220 0.0220
3. सुमेरसिह पिता मोडसिह जाति 378/1/2 0.2600
राजपूत पता दौन्ताजागीर टोंकखुर्द
देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
4. ईन्दरसिंह पिता मोडसिंह जाति 378/2/2 0.5300 0.5300 0.0490 0.0490
927
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
राजपूत पता दोन्ताजागीर टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
5.
0.0360
0,9800 0.0360
0.9800
मनोहरलाल पिता छोगालाल जाति खाती पता मक्सी शाजापुर मध्य 377 प्रदेश भूमि स्वामी
6.
0.0230
0.0230
0.1500
0.1500
376
मनोहरलाल पिता छोगालाल जाति खाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
7.
0.0860
1.0000 0.0860
1.0000
375/1
बद्रीलाल पिता गोपीलाल जाति खाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
8.
0.0180
0.2100 0.0180
375/2 0.2100
ओमप्रकाश , बद्रीलाल सुभाषचन्द्र पिता गोपीलाल जाति खाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.0080
0.0080
0.0500
0.0500
9.
मुकेशकुमार, लोकेन्द्रकुमार पिता 367 सुभाषचन्द्र, ओमप्रकाश, दिलीपकुमार पिता नारायणसिंह जाति कुल्मी पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.1950
2.0024 0.1950
2.0024
366/1
10
गेकुलसिंह, विक्रमसिह पिता भवानीसिंह, कृष्णाबाई बेवा ईश्वरसिंह, महेंद्रसिंह, आशाकुंवर, वर्षाकुंवर पिता ईश्वरसिंह जाति राजपूत पता टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.1700
0.1700
0.1776
0.1776
366/2
11. गेकुलसिंह, विक्रमसिंह पिता भवानीसिंह, कृष्णाबाई बेवा ईश्वरसिंह , महेंद्रसिंह, आशाकुंवर वर्षाकुंवर पिता ईश्वरसिंह जाति राजपूत पता टोंकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.1240
0.1240
0.4372
348/1/1/1
0.4372
12.
त्रिलोकचंद चौकसे पिता धन्नालाल चौकसे जाति कलाल पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.0320 0.0010
0.0010
0.0320
13
348/1/2/2
संगीताबाई पति त्रिलोकचंद चौकसे जाति कलाल पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेष भूमि स्वामी
0.1210
0.4380 0.1210
14
348/1/2/1
0.4380
संगीताबाई पति त्रिलोकचंद चौकसे जाति कलाल पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.8684 0.3050
0.8684
0.3050
348/2/1
15
नेमीचन्द्र पिता धन्नालाल जाति कलाल पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.4610
0.9990 0.4610
0.9990
337/1
16
योगेश पिता मदनलाल जाति खाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमिस्वामी
0.4140
0.0630
0.0630
0.4140
339/1
17
मदनलाल पिता परमानन्द जाति खाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी 928
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
[भाग 1
18
0.1330
0.3500
0.1330 निजामखां, निसारखां पिता 338/1 0.3500 मजिदखां जाति मैवाती मुसलमान पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
19
1.2900
1.2900 0.3740
0.3740 अनवरखां पिता हमीदखा जाति 332 मैवाती मुसलमान पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
20
331
0.8900
0.8900
0.3340
0.3340 यासीनखाँ पिता अल्लारखौँ जाति मुसलमान पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
21
329/2 1.1100
1.1100
0.0050
0.0050 सिंकदरखां पिता हजीफ खां जाति मेवाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
22
321/1 0.4400
0.4400
0.2080
0.2080
निजामखां निसारखां पिता माजिदखां जाति मैवाती मुसलमान पता मक्सी शाजपुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
23
321/2 0.4300
0.4300 0.1840
0.1840 हफीजखां पिता रेहमान खां जाति मैवाती मुसलमान पता शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
24
320/3 0.7100
0.7100
0.2290
0.2290 भवानीराम पिता गोर्धनसिह जाति लोधी पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
25
0.7000
0.7000 0.1390
0.1390 राजमल पिता लक्ष्मीचंद जाति 320/2 कुल्मी पिता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
26
327
0.8100
0.8100 0.3070
0.3070 आरिफ खान पिता इब्राहिमखान जाति मेवाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
27
0.8300 0.0490
323
0.8300
0.0490 राघवेन्द्रसिंह पिता पंथनारायणसिंह जाति राजपूत पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
28
325
0.5200
0.5200 0.0890
0.0890 राघवेन्द्रसिंह पिता पंथनारायणसिंह जाति राजपूत पत्ता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
29
324
0.0500
0.0500
0.0250
0.0250 राघवेन्द्रसिंह पिता पंथनारायणसिंह जाति राजपुत पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.1300
30
0.1300
300
0.1000
0.1000 गोकुलसिंह, विक्रमसिह पिता भवानीसिह , कृष्णाबाई बेवा ईश्वरसिंह, महेंद्रसिंह, आशाकुवंर
वर्षाकुंवर, वर्षाकुंवर पिता ईश्वरसिंह जाति राजपूत पता टोकखुर्द देवास मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
299
0.1000
0.1000
0.0130
31
0.0130
छोगालाल पिता सुरजमल जाति खाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.0300
0.5300
0.5300 0.0300
32
297/1
मनोहरलाल पिता छोगालाल जाति खाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.0630
0.0630
1.0000
1.0000
297/2
33
गौरीशंकर पिता छोगालल जाति खाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
0.1510
1.4300 0.1510
1.4300
34
सुभाष चंद्र पिता गोपीलाल जाति 298/1 खाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश
0.2000
0.0400
0.0400
0.2000
35
298/2
बद्रीलाल पिता गोपीलाल जाति खाती पता मक्सी शाजापुर मध्य प्रदेश भूमि स्वामी
4.2400
4.2400
20.1886
20.1886
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,
ऋतु राज, कलेक्टर एवं समुचित सरकार .
929
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
कार्यालय , कलेक्टर जिला पन्ना, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव ,
मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग
पन्ना, दिनांक 16 फरवरी 2026
प्रकरण कमाक 24/3-82 वर्ष 2024-25 भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारिदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा-15(1 ) के अंतर्गत प्रारंभिक अधिसूचना के प्रकाशन तारीख से प्रावधानित समय सीमा 60 दिवस की समयावधि में कोई आपत्ति प्रस्तुत नहीं होने के कारण भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारिदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 15(2) के अंतर्गत रिपोर्ट की आवश्यकता नहीं हुई तथा इस आधार पर राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची की कंडिका कमांक (1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची की कंडिका कमांक (2 ) में वर्णित प्रयोजन के लिये आवश्यकता है , इस प्रकरण में किसी भी परिवार को विस्थापित नहीं किया जाना है, इसलिये पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन की स्कीम की आवश्यकता नहीं है, अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारिदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा-19 के अंतर्गत यह घोषित किया जाता है कि निम्न अनुसूची के कंडिका कमांक (1 ) में वर्णित भूमि कंडिका कमांक (2) में वर्णित लोक प्रयोजन के लिये अपेक्षित है:-
अनुसूची
(1) भूमि का वर्णनः-
पन्ना (क) जिला
पवई (ख) तहसील
-नारायणपुरा
(ग) ग्राम
(घ) क्षेत्रफल -1.676 हेक्टेयर ,
क्रमांक
खसरा नम्बर
1
2
2241/1/1/1 1
2241/2/1 2
2242 3
2203/1 4
2259 5
2201/1 6
2201/2 7
2258 8
2260 9
2261 10
2262
11
2200/2
12
2194/2
13
भूमि का प्रकार कुल अर्जित रकवा हैक्टेयर में
4
3
0.010
निजी भूमि
0.030
निजी भूमि
0.020
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.050
निजी भूमि
0.050
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.0400
निजी भूमि
0.030
निजी भूमि
0.0200
निजी भूमि
0.0400
निजी भूमि
0.0400
निजी भूमि 930
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
14 2263 15 2193 16 2190/1 17 2190/2 18 2183 19 .2181 20 2178 21 2177/2 22 2176 23 2300 24 2334 25 2335 26 2175/1/1 27 2175/2 28 2328 29 2327 30 2326 31 2322 32 2321 33 2419 34 2418 35 2411 36 2182 37 2279 38 2336 39 2337/1 40 2338
कुलकिता -40
(2)
[भाग 1
0.010
निजी भूमि
0.020
निजी भूमि
0.06
निजी भूमि
0.060 निजी भूमि
0.100
निजी भूमि
0.050
निजी भूमि
0.015 निजी भूमि
0.0700 निजी भूमि
0.060
निजी भूमि
0.030 निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.100
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.030 निजी भूमि
0.090 निजी भूमि
0.040 निजी भूमि
0.0010
निजी भूमि
0.050 निजी भूमि
0.140 निजी भूमि
0.270
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.010 निजी भूमि
0.01
निजी भूमि
0.040
निजी भूमि
1.676हे0
सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है :- में पवई मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत माईनर एंव सब माईनर नहर निर्माण में प्रभावित कृषको के भूमि अर्जन कार्य हेतु पारा -19 का प्रकाशन, ग्राम नारायणपुरा तहसील एंव अनुभाग पवई ।
(3) भूमि का नक्शा (प्लान ) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं भू-अर्जन अधिकारी , पवई में किया जा सकता है ।
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
931
प्रकरण क्रमांक 25/अ-82 वर्ष 2024-25 भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारिदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा-15(1 ) के अंतर्गत प्रारंभिक अधिसूचना के प्रकाशन तारीख से प्रावधानित समय सीमा 60 दिवस की समयावधि में कोई आपत्ति प्रस्तुत नहीं होने के कारण भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारिदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 15(2) के अंतर्गत रिपोर्ट की आवश्यकता नहीं हुई तथा इस आधार पर राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची की कंडिका कमांक (1 ) में वर्णित भूमि की, अनुसूची की कंडिका कमांक (2) में वर्णित प्रयोजन के लिये आवश्यकता है , इस प्रकरण में किसी भी परिवार को विस्थापित नहीं किया जाना है, इसलिये पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन की स्कीम की आवश्यकता नहीं है, अतः भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारिदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा-19 के अंतर्गत यह घोषित किया जाता है कि निम्न अनुसूची के कंडिका कमांक (1 ) में वर्णित भूमि कंडिका कमांक (2) में वर्णित लोक प्रयोजन के लिये अपेक्षित है:-
अनुसूची
(1) भूमि का वर्णनः-
(क) जिला पन्ना
(ख) तहसील पवई
(ग) ग्राम -पडरियाकलॉ
(घ) क्षेत्रफल -2.460 हेक्टेयर,
क्रमांक
खसरा नम्बर
1
2
1
484
2
482
3
709/3
4
712
5
481
711 6
736 7
742 8
743 9
741 10
740 11
भूमि का प्रकार कुल अर्जित रकवा हैक्टेयर में
3
4
0,060
निजी भूभि
0.020
निजी भूमि
0.200
निजी भूमि
0.180
निजी भूमि
0.060
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.130
निजी भूमि
0.020
निजी भूमि
0.020
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.030
निजी भूमि 932
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
12
739
13
738
14
755
15
756
16
758
17
759/1
18
759/2
19
821
20
822
21
826
22
818/1
23
819/2
24
824/1
25
823
26
848
27
849/1
28
835
29
847
30
836/1
31
836/2
32
845/1
33
845/2
34
846
35
843
36
844
37
858
38
865
39
859
40
862
41
860/1
42
860/2
43
861
863 44
45
872/2
46
875
[भाग 1
0.080
निजी भूमि
0.020
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.050
निजी भूमि
0.020
निजी भूमि
0.060
निजी भूमि
0.050
निजी भूमि
0.020
निजी भूमि
0.110
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.040
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.040
निजी भूमि
0.030
निजी भूमि
0.040
निजी भूमि
0.020
निजी भूमि
0.030
निजी भूमि
0.030
निजी भूमि
0.020
निजी भूमि
0.020
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.02
निजी भूमि
0.02
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.030
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.020
निजी भूमि
0.010
निया भूमि
0.05
निजी भूमि
0.030
निजी भूमि
0.030
निजी भूमि
0.010
निजी भूमि
0.030
निजी भूमि 933
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
47 876 48 877 49 915 50 918 51 917 52 932 53 931 54 930 55 933 56 934 57 928 58 995 59 996 60 997 61 994 62 998 63 999 64 1033 65 1055 66 1030
कुलकिता-66
(2)
0.090 निजी भूमि 0.010 निजी भूमि 0.030 निजी भूमि 0.110 निजी भूमि 0.010 निजी भूमि 0.050 निजी भूमि 0.010 निजी भूमि 0.040 निजी भूमि 0.030 निजी भूमि 0.010 निजी भूमि 0.020 निजी भूमि 0.120 निजी भूमि 0.010 निजी भूमि 0.010 निजी भूमि 0.010 निजी भूमि 0.010 निजी भूमि 0.070 निजी भूमि 0.010 निजी भूमि 0.030 निजी भूमि 0.030 निजी भूमि
2.460हे०
सार्वजनिक प्रयोजन जिसके लिये आवश्यकता है:-में पवई मध्यम सिंचाई परियोजना अंतर्गत माईनर एंव सब माईनर नहर निर्माण में प्रभावित कृषको के भूमि अर्जन कार्य हेतु धारा -19 का प्रकाशन , ग्राम पडरियाकलों तहसील एंव अनुभाग पवई ।
[3] भूमि का नक्शा (प्लान) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं भू-अर्जन अधिकारी , पवई में किया जा सकता है ।
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, ऊषा परमार , कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
934
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
[भाग 1
कार्यालय , अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं सक्षम प्राधिकारी , बड़वाह , जिला खरगोन , मध्यप्रदेश
पत्र क्रमांक-653- रीडर- 1-2026
बड़वाह , दिनांक 17 फरवरी 2026
प्ररुप- "ख "
{ नियम- 5 का उपनियम (2) }
क्रमांक- 184 / B- 121 / 2025-26 अतएव , राज्य सरकार को लोकहित में यह आवश्यक प्रतीत होता है कि एन.टी.पी.सी. लिमिटेड, खरगोन "वृहद ताप विद्युत परियोजना के अंतर्गत भूमिगत पाईपलाईन में जल परिवहन हेतु ग्राम :- बेड़िया , प.ह.नं. 21 , रा.नि.मं.-बेड़िया , तहसील -सनावद , जिला- खरगोन (म.प्र.) मध्यप्रदेश राज्य में वरिष्ठ प्रबंधक (यांत्रिकी उत्थापन) , एन.टी.पी.सी. लिमिटेड खरगोन (म.प्र.) द्वारा भूमिगत पाईपलाईन, केबल एवं डक्ट बिछाई जाए
और अतएव राज्य सरकार को उक्त भूमिगत पाईपलाईन , केबल एवं डक्ट बिछाने के प्रयोजन के लिए यह आवश्यक प्रतीत होता है कि उस भूमि में , जिसमें भूमिगत पाईपलाईन , केबल एवं डक्ट बिछाये जाने का प्रस्ताव है, जो इस अधिसूचना से संलग्न अनुसूची में वर्णित है , उपयोग के अधिकार का अर्जन किया जाए ।
अतएव , मध्यप्रदेश भूमिगत पाईपलाईन , केबल एवं डक्ट (भूमि के उपयोक्ता के अधिकारों का अर्जन) अधिनियम, 2012 (क्रमांक 5 सन् 2013 ) की धारा 3 की उपधारा (1 ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए , राज्य सरकार, उसमें उपयोग के अधिकार का अर्जन करने के अपने आशय की घोषणा करती है । कोई व्यक्ति जो उक्त अनुसूची में वर्णित भूमि में हितबद्ध है , उस तारीख से जिसको उक्त अधिनियम की धारा 3 की उपधारा ( 1 ) के अधीन अधिसूचना राजपत्र में प्रकाशित होती है इक्कीस दिवस के भीतर, भूमि के नीचे पाईपलाईन, केबल एवं डक्ट बिछाये जाने के संबंध में अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं सक्षम प्राधिकारी , बड़वाह , जिला- खरगोन मध्यप्रदेश को लिखित में आक्षेप भेज सकेगा ।
:: अनुसूची::
जिला
तहसील
खसरा कमांक
ग्राम / पटवारी
हल्का कमांक
उपयोग के अधिकार के लिये अर्जित की जाने वाली भूमि (हेक्टेयर में) 1
2
5
3
4
सनावद
खरगोन
626/1
0.190
627/1
0.140
ग्राम :- बेड़िया, प.ह.नं. 21 ,
628
0.180
630
0.300
0.150
640/1
643
0.130
0.250
644
645/1
0.070
0.035
648/1
645/2
0.090
648/2
0.250
649/2
0.008
591
0.350
597
0.350
598/1
0.450
598/2
0.014
548/1
0.080
548/2
0.006
545/2
0.455
19
3.498
कुल योग
935
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
बड़वाह , दिनांक 26 फरवरी 2026 पत्र क्रमांक- 789- रीडर - 1-2026- रा.प्र.क्र.- 0158 - बी- 121-2025-26
प्ररुप- "घ"
{ नियम- 6 देखिए }
अतएव मध्यप्रदेश भूमिगत पाईपलाईन, केबल एवं डक्ट (भूमि के उपयोक्ता के अधिकारों का अर्जन) अधिनियम, 2012 (क्रमांक- 5 सन् 2013 ) (जिसे इसमें इसके पश्चात् उक्त अधिनियम के नाम से निर्दिष्ट किया गया है) की धारा 3 की उपधारा (1 ) के अधीन जारी सक्षम प्राधिकारी की अधिसूचना पत्र क्रमांक- 4332 /री-1 / 2025, बड़वाह , दिनांक 05.12.2025 द्वारा , राज्य सरकार ने एन.टी.पी.सी. लिमिटेड, खरगोन "वृहद ताप विद्युत परियोजना के अंतर्गत भूमिगत पाईपलाईन में जल परिवहन हेतु ग्राम :- बागदा बुजुर्ग, प.ह.नं. 24, रा.नि.मं. बेड़िया, तहसील - सनावद, जिला खरगोन में भूमिगत पाईपलाईन , केबल एवं डक्ट को बिछाने के प्रयोजन हेतु अधिसूचना को संलग्न अनुसूची में विनिर्दिष्ट भूमि में उपयोक्ता के अधिकार के अर्जन की इस आशय की घोषणा की है ।
और वह अधिसूचना राजपत्र में दिनांक 12.12.2025 को प्रकाशित की गई तथा कलेक्टर , सक्षम अधिकारी , तहसीलदार कार्यालय के नोटिस बोर्ड के साथ ग्राम पंचायत एवं संबंधित ग्राम के लोक समागम स्थल पर अधिसूचना चस्पा कर इसकी सूचना भूमिस्वामी / अधिभोगी को भी दी गई है ।
अतएव , उक्त अधिनियम की धारा-- 4 की उपधारा (1 ) द्वारा , पाईपलाईन, बिछाने के लिए भूमि में उपयोग का अधिकार सभी विल्लंगमों से मुक्त होकर, राज्य सरकार में निहित होगा ।
:: अनुसूची::
तहसील
जिला
ग्राम / पटवारी
हल्का कमांक
खसरा क्रमांक
उपयोग के अधिकार के लिये अर्जित की जाने वाली भूमि (हेक्टेयर में)
3
4
5
2
1
खरगोन
0.355 सनावद
53/3
0.155
53/5
ग्राम :- बागदा बुजुर्ग, प.ह.नं. 24,
0.145
48/1
0.190
49/1
31
0.291 936
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
तहसील
जिला
[भाग 1
ग्राम / पटवारी
हल्का कमांक
2
1
3
खरगोन सनावद
ग्राम :-
बागदा बुजुर्ग, प.ह.नं. 24, खसरा कमांक
उपयोग के अधिकार के लिये अर्जित की जाने वाली भूमि (हेक्टेयर में) 4
5
30
0.019
32/1
0.009
32/2
0.233
18/1
0.047
0.296
18/2
0.004
20/1
12/2
0.021
0.020
13
84/3
0.031
8/4
0.305
7/1
0.007
7/2
0.123
0.192
79
82
0.080
81/1
0.025
81/2
0.084
78/3
0.220
96/1
0.043
95
0.185
94
0.064
91
0.158
203
0.111
92
0.120
202/2
0.505
212/1
0.120
212/5
0.230
4.388
31
कुल योग
937
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
पत्र क्रमांक- 793 - रीडर - 1-2026- रा.प्र.क्र. - 0163- बी- 121-2025-26
प्ररुप- "घ"
{ नियम- 6 देखिए }
अतएव मध्यप्रदेश भूमिगत पाईपलाईन , केबल एवं डक्ट (भूमि के उपयोक्ता के अधिकारों का अर्जन ) अधिनियम, 2012 (क्रमांक- 5 सन् 2013 ) (जिसे इसमें इसके पश्चात् उक्त अधिनियम के नाम से निर्दिष्ट किया गया है) की धारा 3 की उपधारा (1 ) के अधीन जारी सक्षम प्राधिकारी की अधिसूचना पत्र क्रमांक- 178 /री-1 / 2025 , बड़वाह, दिनांक 08.01.2026 द्वारा , राज्य सरकार ने एन.टी.पी.सी. लिमिटेड, खरगोन "वृहद ताप विद्युत परियोजना के अंतर्गत भूमिगत पाईपलाईन में जल परिवहन हेतु ग्राम:- लछोरा , प.ह.नं. 73,, रा.नि.मं.-03, कानापुर, तहसील - सनावद, जिला- खरगोन (म.प्र. ) में भूमिगत पाईपलाईन, केबल एवं डक्ट को बिछाने के प्रयोजन हेतु अधिसूचना को संलग्न अनुसूची में विनिर्दिष्ट भूमि में उपयोक्ता के अधिकार के अर्जन की इस आशय की घोषणा की है ।
और वह अधिसूचना राजपत्र में दिनांक 09.01.2026 को प्रकाशित की गई तथा कलेक्टर, सक्षम अधिकारी , तहसीलदार कार्यालय के नोटिस बोर्ड के साथ ग्राम पंचायत एवं संबंधित ग्राम के लोक समागम स्थल पर अधिसूचना चस्पा कर इसकी सूचना भूमिस्वामी / अधिभोगी को भी दी गई है ।
अतएव , उक्त अधिनियम की धारा - 4 की उपधारा ( 1 ) द्वारा , पाईपलाईन, बिछाने के लिए भूमि में उपयोग का अधिकार सभी विल्लंगमों से मुक्त होकर , राज्य सरकार में निहित होगा ।
:: अनुसूची ::
तहसील
जिला
खसरा कमांक
ग्राम / पटवारी
हल्का क्रमांक
उपयोग के अधिकार के लिये अर्जित की जाने वाली भूमि (हेक्टेयर में)
4
3
5 2
1
72/6
सनावद
0.088 खरगोन
72/5
0.074
ग्राम :- लछोरा, प.ह.नं. 73,
72/4
0.005
0.479
25/3
0.053
25/5
25/4
0.053
25/6
0.010
0.410
25/1
24/4/2
0.125
24/2/3
0.260
10/3
0.310
9
0.220
0.360
8
3
0.015
6/1
0.368
6/2/1
0.012
4/2/1
0.041
4/2/2
0.050
0.010
4/2/3
19
2.943
कुल योग
938
भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
पत्र क्रमांक- 796 - रीडर- 1-2026- रा.प्र.क्र.- 0167- बी- 121-2025-26
प्ररुप- "घ"
{ नियम- 6 देखिए }
अतएव मध्यप्रदेश भूमिगत पाईपलाईन, केबल एवं डक्ट (भूमि के उपयोक्ता के अधिकारों का अर्जन) अधिनियम, 2012 (क्रमांक- 5 सन् 2013 ) (जिसे इसमें इसके पश्चात् उक्त अधिनियम के नाम से निर्दिष्ट किया गया है) की धारा 3 की उपधारा (1 ) के अधीन जारी सक्षम प्राधिकारी की अधिसूचना पत्र कमांक- 274 / री-1 / 2025 , बड़वाह, दिनांक 15.01.2026 द्वारा , राज्य सरकार ने एन.टी.पी.सी. लिमिटेड, खरगोन "वृहद ताप विद्युत परियोजना के अंतर्गत भूमिगत पाईपलाईन में जल परिवहन हेतु ग्राम:- नलवट, प.ह.नं. 18, रा.नि.मं. -बेड़िया, तहसील - सनावद, जिला- खरगोन (म.प्र.) में भूमिगत पाईपलाईन , केबल एवं डक्ट को बिछाने के प्रयोजन हेतु अधिसूचना को संलग्न अनुसूची में विनिर्दिष्ट भूमि में उपयोक्ता के अधिकार के अर्जन की इस आशय की घोषणा की है ।
और वह अधिसूचना राजपत्र में दिनांक 16.01.2026 को प्रकाशित की गई तथा कलेक्टर, सक्षम अधिकारी, तहसीलदार कार्यालय के नोटिस बोर्ड के साथ ग्राम पंचायत एवं संबंधित ग्राम के लोक समागम स्थल पर अधिसूचना चस्पा कर इसकी सूचना भूमिस्वामी / अधिभोगी को भी दी गई है ।
अतएव , उक्त अधिनियम की धारा 4 की उपधारा ( 1 ) द्वारा , पाईपलाईन , बिछाने के लिए भूमि में उपयोग का अधिकार सभी विल्लंगमों से मुक्त होकर, राज्य सरकार में निहित होगा ।
:: अनुसूची::
तहसील
जिला
ग्राम / पटवारी
हल्का क्रमांक
खसरा कमांक
उपयोग के अधिकार के लिये अर्जित की जाने वाली भूमि (हेक्टेयर में) 1
2
4
3
5
सनावद
खरगोन
ग्राम :-
0.165
27/1
नलवट,
0.005
27/2
प.ह.नं. 18,
28
0.055
03
0.225
कुल योग
939
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
पत्र क्रमांक - 799- रीडर - 1-2026 - रा.प्र.क्र.-0164- बी- 121-2025-26
प्ररुप- "घ'
{ नियम- 6 देखिए }
अतएव मध्यप्रदेश भूमिगत पाईपलाईन , केबल एवं डक्ट ( भूमि के उपयोक्ता के अधिकारों का अर्जन ) अधिनियम, 2012 (क्रमांक- 5 सन् 2013 ) (जिसे इसमें इसके पश्चात् उक्त अधिनियम के नाम से निर्दिष्ट किया गया है) की धारा 3 की उपधारा ( 1 ) के अधीन जारी सक्षम प्राधिकारी की अधिसूचना पत्र क्रमांक- 171 /री-1 / 2025 , बड़वाह, दिनांक 08.01.2026 द्वारा, राज्य सरकार ने एन.टी.पी.सी. लिमिटेड, खरगोन "वृहद ताप विद्युत परियोजना के अंतर्गत भूमिगत पाईपलाईन में जल परिवहन हेतु ग्राम :- दाभड़, प.ह.नं. 73,, रा.नि.मं.-03, कानापुर , तहसील -सनावद, जिला- खरगोन (म.प्र .) में भूमिगत पाईपलाईन , केबल एवं डक्ट को बिछाने के प्रयोजन हेतु अधिसूचना को संलग्न अनुसूची में विनिर्दिष्ट भूमि में उपयोक्ता के अधिकार के अर्जन की इस आशय की घोषणा की है ।
और वह अधिसूचना राजपत्र में दिनांक 09.01.2026 को प्रकाशित की गई तथा कलेक्टर , सक्षम अधिकारी , तहसीलदार कार्यालय के नोटिस बोर्ड के साथ ग्राम पंचायत एवं संबंधित ग्राम के लोक समागम स्थल पर अधिसूचना चस्पा कर इसकी सूचना भूमिस्वामी/ अधिभोगी को भी दी गई है ।
अतएव, उक्त अधिनियम की धारा 4 की उपधारा (1 ) द्वारा , पाईपलाईन , बिछाने के लिए भूमि में उपयोग का अधिकार सभी विल्लंगमों से मुक्त होकर , राज्य सरकार में निहित होगा ।
:: अनुसूची::
तहसील
जिला
खसरा कमांक
ग्राम / पटवारी
हल्का कमांक
उपयोग के अधिकार के लिये अर्जित की जाने वाली भूमि (हेक्टेयर में)
5
4
2
3
1
0.490 सनावद
ग्राम :-
174/3
खरगोन
0.110
176/1
दाभड़, प.ह.नं. 73 ,
0.265
177/5
0.018
177/2
176/2
0.101
0.500
110
165
0.220
0.215
151/1
0.020
151/2
0.205
150/1
144
0.290
0.365
145
126/5
0.067
128
0.165
129/2
0.110
127
0.133
0.014
135/4
135/1/1
0.315
0.200
135/1/2
0.180
133/3
20
3.983
कुल योग
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
940
भाग 1
पत्र क्रमांक-802- रीडर - 1-2026- रा.प्र.क्र. -0169- बी- 121-2025-26
प्ररुप- "घ"
{ नियम- 6 देखिए }
अतएव मध्यप्रदेश भूमिगत पाईपलाईन, केबल एवं डक्ट (भूमि के उपयोक्ता के अधिकारों का अर्जन) अधिनियम , 2012 (क्रमांक 5 सन् 2013 ) (जिसे इसमें इसके पश्चात् उक्त अधिनियम के नाम से निर्दिष्ट किया गया है ) की धारा 3 की उपधारा ( 1 ) के अधीन जारी सक्षम प्राधिकारी की अधिसूचना पत्र क्रमांक- 345 /री-1 / 2025, बड़वाह, दिनांक 20.01.2026 द्वारा , राज्य सरकार ने एन.टी.पी.सी. लिमिटेड, खरगोन "वृहद ताप विद्युत परियोजना के अंतर्गत भूमिगत पाईपलाईन में जल परिवहन हेतु ग्राम :- बालाबाद , प.ह.नं. 72 , रा.नि.मं.-03 , कानापुर, तहसील - सनावद, जिला- खरगोन (म.प्र.) में भूमिगत पाईपलाईन , केबल एवं डक्ट को बिछाने के प्रयोजन हेतु अधिसूचना को संलग्न अनुसूची में विनिर्दिष्ट भूमि में उपयोक्ता के अधिकार के अर्जन की इस आशय की घोषणा की है ।
और वह अधिसूचना राजपत्र में दिनांक 23.01.2026 को प्रकाशित की गई तथा कलेक्टर , सक्षम अधिकारी , तहसीलदार कार्यालय के नोटिस बोर्ड के साथ ग्राम पंचायत एवं संबंधित ग्राम के लोक समागम स्थल पर अधिसूचना चस्पा कर इसकी सूचना भूमिस्वामी/ अधिभोगी को भी दी गई है ।
अतएव, उक्त अधिनियम की धारा- 4 की उपधारा (1 ) द्वारा , पाईपलाईन, बिछाने के लिए भूमि में उपयोग का अधिकार सभी विल्लंगमों से मुक्त होकर , राज्य सरकार में निहित होगा ।
:: अनुसूची ::
जिला
तहसील
खसरा कमांक
ग्राम / पटवारी
हल्का कमांक
उपयोग के अधिकार के लिये अर्जित की जाने वाली भूमि (हेक्टेयर में)
5
2
4
3
1
सनावद
ग्राम :-
16/1
1.050 खरगोन
16/2
0.051
बालाबाद , प.ह.नं. 72,
17/1
0.530
19
0.160
20/3
0.195
20/1
0.140
21
0.100
109/1
0.208
0.230
108/2
76/1
0.160
0.043
108/1
76/2
0.190
108/3
0.153
0.024
77/1
0.095
75/1
0.090
75/2
74
0.080
92/2
0.010
92/1/1
0.090
0.090
95/1
95/2
0.195
21
3.884
कुल योग
सत्यनारायण दर्रो , भू- अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व), 941
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
कार्यालय , कलेक्टर , जिला बैतूल, मध्यप्रदेश एवं समुचित सरकार , मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग
बैतूल, दिनांक 16 फरवरी 2026 क्र.-0010-अ-82-25-26- भू- अर्जन- सेन्दर्या
चूँकि समुचित सरकार को यह प्रतीत होता है कि संलग्न अनुसूची के कालम ( 1 ) से (4) में वर्णित भूमि/ परिसंपत्ति की, अनुसूची के कालम (6) में उसके सामने दिए गए सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है या आवश्यकता होने की संभावना है, भूमि अर्जन , पुनर्वास और पुनव्यर्वस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 (क्रमांक 30 सन 2013 ) की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार एतदद्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को, इस आशय की सूचना दी जाती है कि समुचित सरकार इसके द्वारा अनुसूची के कालम (5) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में अधिनियम 2013 की धारा 12 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिए प्राधिकृत करता है ।
अनुसूची-1
(प्रभावित कृषकों की सूची)
जिला तहसील ग्राम लगभग क्षेत्रफल धारा 12 के अंतर्गत सार्वजनिक प्रयोजन का
(हेक्टेयर में) प्राधिकृत अधिकारी वर्णन
2 4 5 6
1 3
बैतूल मुलताई सेन्दर्या 0.530 कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन रिधोरा सिरकुंड स्टोरेज
संभाग क्र. - 1 मुलताई टैंक हेतु निजी भूमि का
(म.प्र.)
अर्जन
अनुसूची-2
(प्रभावित धारकों की सूची )
ख.नं.
क्र.
भूमिस्वामी का नाम
कुल रकबा (हे.मे.)
अर्जित रकबा (हे.में)
4
5
3
2
1
0.275
222
1.870
1
जगोती बे . गेन्द्र, सुखराम, चिन्धू पिता बाजीलाल , भिकारी उर्फ लल्लू पिता गेन्द्र , शान्ती, लकी, कचरा पुत्री गेन्दू जाति मेहरा सा . देह भूमिस्वामी
0.202
0.040 2 दिनेश पिता भंगी जाति पवार सा . देह भूमिस्वामी
224/4 226/8
0.185
0.810
0.030
224/2 0.340
3 गुलजीबाई पिता गुण्डू सा. देह भूमिस्वामी
0.530
4
3.222
1- चूँकि हितबद्ध व्यक्तियों की आंशिक भूमि रिधोरा सिरकुंड स्टोरेज टैंक के अंतर्गत अर्जन हेतु प्रस्तावित है , जिससे किसी भी व्यक्ति का विस्थापन नहीं हो रहा है । धारा 11 की उपधारा ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट का सारांश समिति द्वारा तैयार किया गया है , जिसका प्रकाशन पृथक से समुचित सरकार की वेबसाईट, स्थानीय स्तर पर तथा स्थानीय दो समाचार पत्रों में किये जाने हेतु पृथक से कार्यवाही की जा रही है ।
2- भूमि का नक्शा (प्लान) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) मुलताई के कार्यालय में किया जा सकता है ।
3- कोई भी व्यक्ति अधिसूचना के प्रकाशन की तारीख से उक्त अधिनियम के अधीन कार्यवाहियों के पूरा होने जाने के समय प्रारंभिक अधिसूचना में विनिर्दिष्ट भूमि का, कलेक्टर ( भूमि अर्जन) बैतूल की अनुमति के बिना कोई संव्यवहार नहीं करेगा/ कराएगा अथवा ऐसी भूमि पर कोई विल्लंगमन सृजित नहीं करेगा ।
4- समुचित सरकार की वेबसाइट www.betul.nic.in पर भी अपलोड किया गया है ।
942
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
क्र.- 0011-3-82-25-26- भू- अर्जन- छिन्दी
[भाग 1
चूँकि समुचित सरकार को यह प्रतीत होता है कि संलग्न अनुसूची के कालम ( 1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि/ परिसंपत्ति की, अनुसूची के कालम (6) में उसके सामने दिए गए सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है या आवश्यकता होने की संभावना है , भूमि अर्जन, पुनर्वास और पुनव्यर्वस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 (क्रमांक 30 सन 2013 ) की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार एतदद्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को, इस आशय की सूचना दी जाती है कि समुचित सरकार इसके द्वारा अनुसूची के कालम (5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में अधिनियम 2013 की धारा 12 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिए प्राधिकृत करता है ।
अनुसूची -1
(प्रभावित कृषकों की सूची)
ग्राम
जिला तहसील
धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)
1
2
3
4
0.566 मुलताई छिन्दी
बैतूल (म.प्र.)
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
5
6
कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्र. - 1 मुलताई
रिधोरा सिरकुंड स्टोरेज टैंक हेतु निजी भूमि का अर्जन
अनुसूची -2
(प्रभावित धारकों की सूची )
क्र.
भूमिस्वामी का नाम
1
2
1
ख.नं. कुल रकबा (हे.मे. )
अर्जित रकबा (हे.में)
4
3
5
1.205
0.170 576/2
कैलाश , सुभाष , नन्दकिशोर व. रामजीसिंह, छोटी बेवा रामजीसिंह जाति रघुवंशी सा. देह
2
भगतसिंह पिता अर्जुनसिंह जाति रघुवंशी
3 दिनेश पिता ओझा जाति पवांर
4 संतोष पिता ओझा जाति पवांर
5
0.855
0.045 576/1
0.152
0.010 567/2
0.203
0.026 575/1
0.152
0.010 567/3
0.202
575/2
0.030
0.163
0.035 574/1
जगलाल पिता पारन्या, गोकुल, मधु, सतीष, रामकली पिता बीरबल , कोगे बेवा बीरबल, सिल्ली पिता पारन्या, कमला, सुमन पुत्री पारन्या, गुलाबी, धनलाल पिता साजू, नान्ही पुत्री साजू पवार सा. देह 943
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
573
0.210
0.030
6
काशीबाई पति नान्हू भैया , हरिराम , श्रीलाल, कलीराम पिता शंकर, सरस्वती , सुमन, सुशीला पुत्री शंकर , तुलसिया बेवा मगर, नंदकिशोर, तीरथ, नन्दलाल , जसवंत, दशरथ पिता मगर , विमल , लक्ष्मी पिता मगर, जगदीश व. नान्हू भैया, शान्ताबाई, लक्ष्मी , रेखा , गुड़िया पिता नान्हू भैया , कैलाश , संतोष पिता सूरत, चिन्दोबाई, बिन्दाबाई, इन्द्राबाई पिता सूरत, गुलमस बेवा सूरत, ओझा पिता भोपत , श्रीलाल , मोहन पिता सीताराम पवार सा. देह
572
0.243
0.045
7
जयवन्ती पुत्री श्रीलाल , काशीबाई बेवा नान्हू भैया , जगदीश पिता नान्हू भैया, शान्ता, लक्ष्मी रेखा, गुडिया पिता नान्हू भैया, गुलमस बेवा सूरत, कैलाश , संतोष पिता सूरत, चिन्दोबाई, बिन्दाबाई, इन्द्राबाई पुत्री सूरत, रामप्रसाद, मुन्ना पिता श्रीलाल , मोहनलाल पिता छितर्या, मुकू पत्नी लह्या , मटर बेवा श्रीलाल दुर्गा , चतरा पुत्री श्रीलाल
0.303
0.015
567/1
0.296
0.045 8
571/1
0.304
0.045
571/2
ओझा पुत्र भोपत, जगदीश पुत्र नान्हूभैया , रेखाबाई , शान्ताबाई , लक्ष्मीबाई, गुडियाबाई पिता नान्हूभैया, काशीबाई बेवा नान्हूभैया, श्रीलाल , मोहनलाल , सूरत, नान्हू पिता सीताराम , शंकर पुत्र लोटन
9
570
0.567
0.060 गोपाल मंगर पिता शंकर
4.855
13
0.566 योग
1 - चूँकि हितबद्ध व्यक्तियों की आंशिक भूमि रिधोरा सिरकुंड स्टोरेज टैंक के अंतर्गत अर्जन हेतु प्रस्तावित है, जिससे किसी भी व्यक्ति का विस्थापन नहीं हो रहा है । धारा 11 की उपधारा ( 3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट का सारांश समिति द्वारा तैयार किया गया है , जिसका प्रकाशन पृथक से समुचित सरकार की वेबसाईट , स्थानीय स्तर पर तथा स्थानीय दो समाचार पत्रों में किये जाने हेतु पृथक से कार्यवाही की जा रही है ।
2- भूमि का नक्शा (प्लान) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) मुलताई के कार्यालय में किया जासकता है।
3- कोई भी व्यक्ति अधिसूचना के प्रकाशन की तारीख से उक्त अधिनियम के अधीन कार्यवाहियों के पूरा होने जाने के समय प्रारंभिक अधिसूचना में विनिर्दिष्ट भूमि का, कलेक्टर ( भूमि अर्जन) बैतूल की अनुमति के बिना कोई संव्यवहार नहीं करेगा/ कराएगा अथवा ऐसी भूमि पर कोई विल्लंगमन सृजित नहीं करेगा ।
4- समुचित सरकार की वेबसाइट www.betul.nic.in पर भी अपलोड किया गया है ।
944
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
क्र.-0002- अ- 82-2025-26- भू-अर्जन- बड़गी खुर्द
[भाग 1
बैतूल , दिनांक 17 फरवरी 2026
चूंकि राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची ( 1 ) में वर्णित भूमि की कालम नंबर 5 में वर्णित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है। इस हेतु अनुसूची-2 में वर्णित प्रभावित कृषकों की भूमि एवं उक्त भूमि पर स्थित परिसंपत्तियां , भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 (क्रमांक 30 सन 2013 ) की धारा 19 के अंतर्गत यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है: -
तहसील
ग्राम
जिला
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
लगभग क्षेत्रफल
(हेक्टेयर में)
3
2
4 1
2.549 बैतूल
बडगी खुर्द बैतूल (म.प्र.)
6
शीतलझिरी मध्यम उद्वहन सिंचाई परियोजना हेतु निजी भूमि का अर्जन
अनुसूची -2
(पभावित धारकों की सूची )
क्र.
भूमिस्वामी कानाम
2 1
1
ख.नं. कुल रकबा (हे.मे.)
अर्जित रकबा (हे.में)
3
4
5
3
0.275 3.913
ढीमू पिता कल्लू, मनकी, सम्मो पुत्री कल्लू, गंगा पत्नी श्यामलाल, माहो पत्नी छन्नू, दुल्लू पत्नी सालक, मंघा पत्नी बाजी जाति गोंड पता बैतूल
2
0.372 1.470
5/1
छुट्टन , गिरधारी , दरबारी पिता लक्खू , बत्तोबाई पुत्री लक्खू जाति गोंड पता बैतूल
3
1.712
0.222 5/2
बबलू पुत्र सुन्दर , ललिता अनिता सलीता पुत्री सुन्दर जाति गोंड पता बैतूल
4
0.566 1.712
5/3
बबलू पुत्र सुन्दर , ललिता पुत्री सुन्दर जाति गोंड पता बैतूल
5
ढीमू पिता कल्लू जाति गोंड पता बैतूल
6
0.089 1.582
51
0.169 1.793
52/3
फुल्लो पत्नी मानसिंग , दीपक , रीपक पिता मानसिंग, देवली , रेवली, रामबाई पिता मानसिंग जाति गोंड पता बडगी खुर्द 945
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
7
2.023
52/4
0.453 फुल्लो पत्नी मानसिंग , दीपक , रीपक पिता मानसिंग , देवली , रेवली, रामबाई पिता मानसिंग , रामकली पुत्री हरेसिंग जाति गोंड पता बडगी खुर्द
8 कसिया पुत्री जगद्रू जाति गोड पता बैतूल
9
0.871 0.093 57/1/1
1.642 0.020 57/1/2
भिल्लू पुत्री जगट्टू , कल्लोबाई , सुलो , सीरी पुत्री शिवदीन , कमलती बेवा कल्लू , नीतू पुत्री कल्लू, नितिन पिता कालू रामरती, सीमा, शर्मिला, श्यामबती , रीना पुत्री कालू, फूसे पुत्री जग जाति गोंड पताबैतूल
10 पतिराम पिता सोमा जाति गोंड पता बैतूल
11 मिन्दो पत्नी कुम्मा जाति गोंड पता बैतूल
12
0.224
58/1
0.129
0.226
0.032 58/2
60
1.441 0.129 रोवा , सुखदेव , गोरेलाल पिता फगनू , तारा , जगोती, सुगंति पुत्री फगनू, रतनी बेवा फगनू जाति गोंड पताबैतूल
योग: -
12
18.609 2.549
( 2) चूँकि शीतलझिरी मध्यम उद्वहन सिंचाई परियोजना से प्रभावित होने वाली उपरोक्तानुसार भूमि मय परिसंपत्ति के अर्जन से हितबद्ध व्यक्तियों में से कोई भी व्यक्ति का विस्थापन नहीं होने से धारा 19 की उपधारा (2 ) के तहत पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन स्कीम का सार प्रकाशित करने की आवश्यकता नहीं है।
(3) प्रश्नगत भूमि का नक्शा (प्लान) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं भू- अर्जन अधिकारी बैतूल के न्यायालय में किया जा सकता है ।
(4) समुचित सरकार की वेबसाईट www.betul.nic.in पर भी अपलोड किया गया है ।
946
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
क्र.-0003- अ-82-2025-26- भू- अर्जन- नहरपुर
[भाग 1
चूंकि राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची ( 1 ) में वर्णित भूमि की कालम नंबर 5 में वर्णित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है । इस हेतु अनुसूची-2 में वर्णित प्रभावित कृषकों की भूमि एवं उक्त भूमि पर स्थित परिसंपत्तियां , भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 (क्रमांक 30 सन 2013 ) की धारा 19 के अंतर्गत यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है: -
अनुसूची-2
(प्रभावित धारकों की सूची )
ग्राम
जिला तहसील
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
लगभग क्षेत्रफल
(हेक्टेयर में)
4
3
2
1
8.661
नहरपुर
चिचोली
बैतूल (म.प्र.)
6
शीतलझिरी मध्यम उद्वहन सिंचाई परियोजना हेतु निजी भूमि का अर्जन
अनुसूची -2
(प्रभावित धारकों की सूची )
क्र.
भूमिस्वामी का नाम
2
1
1 रतन पिता सोमजी जाति गोंड पता चिचोली
2
सुमरत पिता सोमजी जाति गोंड पता चिचोली
3
ख.नं.
अर्जित रकबा (हे.में) कुल रकबा (हे.मे. )
4
5 3
0.892
3/4
0.892
0.892
0.892
3/5
0.891
0.891 3/6
राकेश , चिक्कूपिता नानक, हसतंती पुत्री नानक , बस्तीराम नाबा. पिता नानक जाति गोंड पता चिचोली
4 सम्मो पिता उमराव जाति गोंड पता चिचोली
5
प्रेमलाल पिता भाग जाति गोंड पता चिचोली
6
0.265 4
1.121
5
1.554
0.215
2.003
1.000 29/1
0.008 0.345
6/4/1
0.344
0.320 6/4/2
0.705
0.705 मोरध्वज, राधेश्याम पुत्र दुरग, गंगा पुत्री दूरग , शांता बेवा सरोप, रामदयाल , शिवदयाल पिता सरोप जाति गोंड पता चिचोली
6/5 मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
7
947
0.017
0.017
6/4/3
कैलो , फुल्ला, शांति पिता सुखराम जाति गोंड पता चिचोली
8
कली पिता सुक्कन जाति गोंड पता नहरपुर
9
भोंदू पिता मोइडी जाति गोंड पता बैतूल
10 सम्मूलाल पिता मोइडी जाति गोंड पता बैतूल 29/2
1.012
0.090
0.804
274/1
0.280
282/3
0.280
0.110
0.805
0.805
274/2
282/4
0.280
0.160
275
2.416
0.250 सुक्को बेवा रोन्या , सोमलाल , रोमलाल , कलीराम, 11 सुन्दर पिता रोन्या , सोमती, फुलकली , रामकली पुत्री रोन्या जाति गोंड पता नहरपुर चिचोली
12 मक्कड़ पुत्र जुगन जाति गोंड पता बैतूल
13
280
1.247
0.032
6.194
0.270
282/1
0.099
0.040 324
मंगल , कमल पिता जुगराम, कमलती पुत्री जुगराम, सरवंती , सेवंती , कलावती , रेवंती पुत्री जुगरू, कोका पिता नलकू , संतो , सुमरती पुत्री नलकू जाति गोंड पता चिचोली
14 दोंडू पुत्र मोइडी जाति गोंड पता बैतूल
15 मंशू पुत्र महाकुंभ जाति गोंड पता बैतूल
16
282/2
0.280
0.055
274/3
0.044
0.807
326
0.140
1.092
330
0.440
1.485
फागू पुत्र रंजन, भूते बेवा रंजन जाति गोंड पता बैतूल
17 हरिचन्द पुत्र पंचम जाति गोंड पता बैतूल
18 हरिदास पुत्र पंचम जाति गोंड पता बैतूल
19 कैलाश पुत्र पंचम जाति गोंड पता बैतूल
योग: -
0.620 331/1
0.910
0.070
0.911
331/2
0.911
332/2
0.050
26
28.297
8.661
(2) चूँकि शीतलझिरी मध्यम उद्वहन सिंचाई परियोजना से प्रभावित होने वाली उपरोक्तानुसार भूमि मय परिसंपत्ति के अर्जन से हितबद्ध व्यक्तियों में से कोई भी व्यक्ति का विस्थापन नहीं होने से धारा 19 की उपधारा (2 ) के तहत पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन स्कीम का सार प्रकाशित करने की आवश्यकता नहीं है।
(3) प्रश्नगत भूमि का नक्शा (प्लान) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं भू- अर्जन अधिकारी बैतूल के न्यायालय में किया जा सकता है ।
(4) समुचित सरकार की वेबसाईट www.betul.nic.in पर भी अपलोड किया गया है ।
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
948
क्र.- 0005- अ- 82-2025-26- भू- अर्जन - इमलीढाना
[भाग 1
चूंकि राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची ( 1 ) में वर्णित भूमि की कालम नंबर 5 में वर्णित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है । इस हेतु अनुसूची-2 में वर्णित प्रभावित कृषकों की भूमि एवं उक्त भूमि पर स्थित परिसंपत्तियां, भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 (क्रमांक 30 सन 2013 ) की धारा 19 के अंतर्गत यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है: -
अनुसूची -2
(प्रभावित धारकों की सूची )
ग्राम
जिला तहसील
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
लगभग क्षेत्रफल
(हेक्टेयर में)
4
3
2
3.052
इमलीढाना चिचोली
1 बैतूल (म.प्र. )
6
शीतलझिरी मध्यम उद्वहन सिंचाई परियोजना हेतु निजी भूमि का अर्जन
अनुसूची -2
(प्रभावित धारकों की सूची )
क्र.
भूमिस्वामी का नाम
2
1
1 नाना पुत्र ओझी जाति गोंड पता चिचोली
2
ख.नं. कुल रकबा (हे.मे. )
अर्जित रकबा (हे.में)
5
4
3
0.810 2
3.834
0.262
3.834
3
सूरत, जिल्लू पुत्र गुड़ग , फूला, जल्लो पुत्री गुड़ग जातिगोंड पता बैतूल
3 जिल्लू पुत्र गुड़ग जाति गोंड पता बैतूल
4
0.120
1.258
5
2.468
0.160 8
किसन पिता नत्थू , बुधिया बेवा नत्थू, दिलीप, दिलवन पिता चिरोंजी, देवकी, रमिया, फूलवती, फूलवंती, सुखवती पुत्री चिरोंजी, बबीता ना.बा. पिता चिरोंजी वली माँ बसंती पति चिरोंजी जाति गोंड पता बैतूल
5
0.040
1.335
98
रमेश पिता बिहारी , जुगनी बेवा बिहारी , प्यारे, सुडे पुत्र फुले,, रूपसा, गब्बर, रम्मी बेवा सुरजा, कोलू पुत्र रूपसा जाति गोंड पता बैतूल 949
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
6
0.054 102
0.506
मनक, भजक , प्रेमलाल पुत्र मौजी , बलमती , प्रेसती पुत्री मौजी, शांता बेवा मौजी, गंगाजी पुत्र जग्गा जाति गोंड पता बैतूल
7 प्रेमलाल , नब्बू पिता जगद्रू जाति गोंड पता बैतूल
8
105
1.761
0.098
112
1.862
0.028 फुल्लो बेवा श्यामलाल , नन्दकिशोर , शिवकिशोर, मुन्नालाल , रामप्रसाद पिता श्यामलाल , इन्द्रा पुत्री श्यामलाल , दुरगकसा , मनोहरी पिता लोटन, बेदा बेवा भूरा, फत्तो पिता भूरा , अनोपी सरोपी पुत्री भूरा जाति गोंड पता बैतूल
9 सरोपी पत्नी रिंगू जाति गोड पता बैतूल
10
114
3.590
0.325
115
0.733
0.262 रामन , सोहमत, रमेश , बसन पिता सोमा , फूलवंती, फुलबी पुत्री सोमा , जमदू पिता खेड़ा, मनकी , झिंगो पुत्री खेड़ा , ढीमू पिता कालू, संतो पुत्री कालू जाति गोंड पता बैतूल
11 प्रीतम पुत्र श्रीराम जाति कुन्बी पता बैतूल
12 रमजी व . नत्थू, बुधिया बेवा नत्थू जाति गोंड
योग: -
122
1.827
0.610
9
0.507
0.283
12
3.052 23.515
(2 ) चूँकि शीतलझिरी मध्यम उद्वहन सिंचाई परियोजना से प्रभावित होने वाली उपरोक्तानुसार भूमि मय परिसंपत्ति के अर्जन से हितबद्ध व्यक्तियों में से कोई भी व्यक्ति का विस्थापन नहीं होने से धारा 19 की उपधारा (2 ) के तहत पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन स्कीम का सार प्रकाशित करने की आवश्यकता नहीं है ।
(3) प्रश्नगत भूमि का नक्शा (प्लान ) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं भू- अर्जन अधिकारी बैतूल के न्यायालय में किया जा सकता है ।
(4) समुचित सरकार की वेबसाईट www.betul.nic.in पर भी अपलोड किया गया है ।
950
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
[भाग 1
क्र.- 0006- अ- 82-2025-26- भू-अर्जन- कटकुही
चूंकि राज्य शासन को इस बात का समाधान हो गया है कि नीचे दी गई अनुसूची ( 1 ) में वर्णित भूमि की कालम नंबर 5 में वर्णित सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है । इस हेतु अनुसूची-2 में वर्णित प्रभावित कृषकों की भूमि एवं उक्त भूमि पर स्थित परिसंपत्तियां , भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 (क्रमांक 30 सन 2013 ) की धारा 19 के अंतर्गत यह घोषित किया जाता है कि उक्त भूमि की सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है: -
अनुसूची -2
(प्रभावित धारकों की सूची )
ग्राम
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
जिला तहसील
लगभग क्षेत्रफल
(हेक्टेयर में)
4
6
3
19.080
कटकुही
2 चिचोली
1 बैतूल (म.प्र.)
शीतलझिरी मध्यम उद्वहन सिंचाई परियोजना हेतु निजी भूमिकाअर्जन
(प्रभावित धारकों की सूची )
अनुसूची -2
ख.नं.
क्र.
भूमिस्वामी का नाम
कुल रकबा (हे.मे.)
अर्जित रकबा (हे.में)
2
4
3
5 1
258
0.360
0.044
1
ढीमूपिता जिगल जाति गोंड पता बैतूल
0.200
0.200
264/1
0.002
0.002
257/1/1
2
प्रहलाद , लड्डू, काशीराम, सुवा पिता रामचरण जातिगौली पता चिचोली
0.080
0.323
257/1/2
3
0.468
257/2
1.083
गोकुल पिता छोटेलाल जाति गौली पता केसिया शाहपुर
0.182
0.807
259/1
4 फुलराम पिता रिखीराम जाति गौली पता बैतूल
259/2
0.807
0.165
5 गोलन पिता रिखीराम जाति गौली पता बैतूल
0.807
259/3
0.140 6 कमलेश पिता रिखीराम जाति गौली पता बैतूल
0.807
0.500
259/4
7 गणेश पिता रिखीराम जाति गौली पता बैतूल
0.103
0.103
259/5/1/1
8
रामप्रसाद पिता फूलन जाति गौली पता कटकुही चिचोली 951
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
9
मुकेश पिता गोलन जाति गौली पता कटकुही
0.102
0.102 259/5/1/2
0.202
0.202 10 शिवप्रसाद पिता कमलेश जाति गौली पता कटकुही
11
259/5/2
2.995
1.355 260
इन्दल, मनक , फूलवती , सुग्गा, शिवरती , शांति पिता जुगरू, वृन्दा, समोती पिता भंगी , श्यामू पिता भंगी, जिल्लूकिसनलाल , गोमा पिता जोहरी जाति गोंड सा. देह
12
261
0.262
0.100
3.643
266/3
3.643 छन्नूपिता फगना , फागू, कारू पिता चैतू, मिल्लो पिता चैतू जाति गोंड पता- चिचोली
13. श्रीराम पिता ढीमू जाति गोंड पता बैतूल
14 साहबलाल पिता ढीमू जाति गोंड पता बैतूल
15
झब्बूपिता ढीमू जाति गोंड पता बैतूल
16 चुडोल पिता ढीमू जाति गोंड पता बैतूल
17
फत्तो पिता मेंहगू जाति गोंड पता बैतूल
18
मालती पत्नी हिरदे जाति गोंड पता बैतूल
19
264/2
0.407
0.407
1.279
0.020 270/1
0.406
0.350 264/3
0.406
0.406
264/4
277
0.425
0.425
0.406
0.406 264/5
0.170 270/4
1.279
1.190
1.190 266/1
0.412
0.412 266/2
266/4
6.592
1.720
275
सावित्री पुत्री सूरजसिंग, कालूराम पुत्र जुगराम जाति गोंड पता चिचोली
20
3.533
1.650
2.068
271
0.120 ओझा, भूता, चैतराम, चैतू मून्ना , रमतू पिता जोल्ला, शान्ती बेवा जोल्ला, चैतो पिता जोल्ला जाति गोंडपता बैतूल
21
2.072
0.070 273/4
महेश , अलकेश पुत्र राजू जाति गौली पता कटकुही
22 बद्री पुत्र छोटेलाल जाति गौली पता कटकुही
23 संतराम पिता छोटेलाल जाति गौली पता चिचोली
24
0.213
0.213 284/6
0.280 284/3
1.000
0.213
0.213 284/4
0.550 284/7
0.550
नथ्या, संतलाल , बद्री पुत्र छोटेलाल जाति गौली पता कटकुही
25
1.000
286/1/2
0.370
1.208
0.385 286/1/4
मस्तराम अमरलाल , बिजना पिता कोवा, मुन्नी , शान्ती पिता कोवा, फुलना बेवा कोवा जाति गोंड पताबैतूल
26
1.000
0.405 286/1/3
1.209 286/1/6
1.209
शेरसिंग, मोहन पिता मंजा, रजनाख रामवती, कमला पिता मंजा, झनकी बेवा मंजा जाति गोंड पता बैतूल
28 दीपचंद व. सवई जाति गौली पता चिचोली
29 संतोष व. दीपचंद जाति गौली पता चिचोली
30
गणेश व. सुखचंद जाति गौली पता चिचोली
31 जगदीश व. जुगराम जाति गोंड पता कटकुही
32
0.072
0.055 253/17/3
0.180
0.020 253/17/2
0.324
0.050 253/16/2
0.040
1.209
286/1/5
281
3.052
0.445
42
44.421
19.080 काशीराम , लड्डू, प्रहलाद पिता रामचरण , सुवा पिता रामचरण जाति गौली पता कटकुही योग:-
(2) चूँकि शीतलझिरी मध्यम उद्वहन सिंचाई परियोजना से प्रभावित होने वाली उपरोक्तानुसार भूमि मय परिसंपत्ति के अर्जन से हितबद्ध व्यक्तियों में से कोई भी व्यक्तिका विस्थापन नहीं होने से धारा 19 की
उपधारा (2 ) के तहत पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन स्कीम का सार प्रकाशित करने की आवश्यकता नहीं है।
(3) प्रश्नगत भूमि का नक्शा (प्लान ) का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) एवं भू- अर्जन
अधिकारी बैतूल के न्यायालय में किया जा सकता है।
(4) समुचित सरकार की वेबसाईट www.betul.nic.in पर भी अपलोड किया गया है ।
952
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 27 फरवरी 2026
[भाग 1
क्र.- 0010-3-82-2024-25-भू- अर्जन- कुण्डी
चूँकि समुचित सरकार को यह प्रतीत होता है कि संलग्न अनुसूची के कालम ( 1 ) से (4 ) में वर्णित भूमि/ परिसंपत्ति की, अनुसूची के कालम (6 ) में उसके सामने दिए गए सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है या आवश्यकता होने की संभावना है, भूमि अर्जन, पुनर्वास और पुनव्यर्वस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 (क्रमांक 30 सन 2013 ) की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार एतदद्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को, इस आशय की सूचना दी जाती है कि समुचित सरकार इसके द्वारा अनुसूची के कालम (5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में अधिनियम 2013 की धारा 12 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिए प्राधिकृत करता है ।
अनुसूची-1
(प्रभावित कृषकों की सूची)
जिला
ग्राम
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)
धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
6
तहसी ल 2
4
1
3
5
4.677
शाहपुर कुण्डी
उप मुख्य अभियंता (निर्माण) मध्य रेल, बैतूल @ नागपुर
बैतूल (म.प्र. )
इटारसी - नागपुर तीसरी रेल लाईन निर्माण हेतु निजी भूमि का अर्जन
अनुसूची-2
(प्रभावित धारकों की सूची )
क्र.
भूमिस्वामी का नाम
ख.नं. कुल रकबा (हे.मे. )
अर्जितरकबा (हे.में)
2
3
1
4
5
0.151
0.040
156/1
1
सोहमतसिंह पिता अम्मू, इश्वर सिंह पिता अम्मू पता- बैतूल, यशोदा, समोती, मीरा पुत्री देवीलाल , रघुबीर पुत्र देवीलाल पता - जामुनढाना जाति गोंड
157
0.725
0.050 रामकुवार बेवा लखनसिंग, मलकानसिंग पिता कडकसिंग, महेन्द्रसिंग पिता लखनसिंग , कलशाबाई पुत्री लखनसिंग, सुनिता पुत्री लखनसिंह, ललिता पुत्री 2 लखनसिंह, करूणा पुत्री लखनसिंग , अनीता बेवा बवेन्द्रसिंह , हितन्द्रसिंह नाबा, पिता बवेन्द्रसिंह , प्रीति नाबापुत्री बवेनद्रसिंह , आनन्द सिंग पिता कडकसिंग गोंड पता कुण्डी, बैतूल 953
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
अशोक पिता सालक, गुलाब पिता छन्नू मुन्ना पिता 155 0.146 0.050
3 छन्नू, लीलाबाई पुत्री सालक, सुरेश पिता सालक जाति
153 0.526 0.140
ठाकुर पता शाहपुर
भूरा पिता भूता, कन्नू पिता भूता, मन्नू पिता भूता , खुडा 149/1/1 0.594 0.418
4
पिता भूता गोंड पता बैतूल
सुरेश पिता बुन्दल , सरवन पिता बुन्दल, सुकमनी पुत्री 149/2 0.738 0.030
5 बुन्दल , छुटिया पुत्री बुन्दल, गुडडी पुत्री बुन्दल , शिवकली
पुत्री बुन्दल गोंड पता शाहपुर
मनीष/सेवन, लीलाबाई पुत्री सेवन, सुखलाल पिता 277/1 0.237 0.035
6 रामपाल , संदीप पिता रामपाल, सोनम पुत्री रामपाल
गोंड पता बैतूल
जमना बे . सुकलू, तुलसी पिता सुकलू, बल्ली पिता 279/1 0.113 0.113
7 सुकलू, सूलन बे. बलवीर, देवेन्द्र नाबा पिता बलवीर,
पंकज नाबा पिता बलवीर गोंड पता बैतूल
कैलाश पिता बाबूराव , मनोज पिता बाबूराव , संजय 280/1 0.471 0.160
8
कुमार पिता भगवंतराम कुन्बी पता- बैतूल
महेश कुमार पिता भगवंतराव, संजयकुमार पिता 282/1 2.015 0.400
9 भगवंतराव, आशाबाई पुत्री भगवतराव, सुधाबाई पुत्री
भगवंतराव , कौशल्या बाई बे. भगवंतराव कुन्बी, बैतूल
287/1/1 0.584 0.177
10 मस्तान सिंग पिता मोतीलाल गोंड पता- बैतूल 288 0.648 0.275
दस्सो पुत्री नत्थनसिंग , कौशल्या पुत्री नत्थनसिंग , 289/2 0.701 0.050
11 फुलन्ता बे. मेहरनसिंह, सूरेन्द्र पिता मेहरन, सुनिल पिता
मेहरनसिंह पता- कुण्डी
फूलन्ती बेवा बिरजू, गौरा पुत्री धन्नू, रूखमणी पुत्री 289/3 0.467 0.113
12 धन्नू, शिवकुमार पिता बिरजू, दशवंती पंत्री बिरजू,
विनोद पिता बिरजू, वासुदेव पिता बिरजू, राजकुमार
पिता बिरजू जाति गोड पता कुण्डी
सेवन पिता बब्बू, सेवक पिता बब्बू, जुगिया पुत्री बब्बू, 289/4 0.935 0.015
13
मेवक पिता बब्बू गोड पता- बैतूल
इमरती पुत्री सैपाल , रूकमणी पुत्री सेपाल, तुलसी पुत्री 290 0.174 0.174
सेपाल , गुरूबक्स पिता सेपाल , लक्ष्मण पिता सेपाल,
14 सोहन पिता सेपाल , भूतेबाई बे. मोहन, ईश्वर पिता
मोहन, रामकेश पिता मोहन, रामकिशन पिता मोहन
गोंड पता- कुण्डी
विश्वनाथ पिता छन्नू , सम्मरसिंह पिता छन्नू, अमरसिंह 291 0.692 0.220
15
पिता छन्नू गोड पता बैतूल
954
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
16
[भाग 1
1.226
0.520 292
सुरजूपिता मोहबत, कोमल पिता मोहबत, बालचंद पिता मोहबत, रामेश्वर पिता मोहबत , किन्ना पुत्री जबरसिंग, कैलाश पिता मुकुन्दी, शिवप्रसाद पिता मुकुन्दी, शिवरी पुत्री मुकुन्दी, सुब्बो बे. मुकुन्दी गोड पता बैतूल
स्वेदश पिता प्रेमलाल पता बैतूल 17
18
गुरूबक्श पिता सेपाल गोड पता- बैतूल
सोहनलाल पिता सेपाल गोंड पता- बैतूल 19
लक्ष्मण पिता सेपाल गोड पता- बैतूल 20
मतिया/प्रेमसिंह गोड पता बैतूल 21
22
0.506
0.405 293
0.090 0.505
295/1
0.050 0.506
295/2
0.035 0.506
295/3
0.100 1.060
523
0.090 0.129
525
0.230 1.279
बुधिया बे.गुलाबसिंह , रघुवीरसिंग पिता गुलाबसिंह 519 अमरवती पुत्री गुलाबसिंह , मायाबाई पुत्री गुलाबसिंग , गोमती पुत्री गुलाबसिंग गोड पता- बैतूल
धन्त्रासिंग पिता बाबूलाल गोड पता- कुण्डी 23
स्वेदश पिता प्रेमलाल गोड पता- बैतूल 24
25
0.186 518
1.185
0.240 2.509
517/1/1
0.043 516/1
0.101
भूता पिता छन्नूलाल, चमन पिता बालकसिंग पिता छन्नूलाल गोड छन्नूलाल
26
0.080 0.769
628
सददोबाई बे . सुरज , मोहन पिता सुरज, रूपसिंग पिता सुरज, सूक्कू पिता सुरज, हेमराज पिता सुरज, राधा बे. सोहन, शिवम पिता सोहन , रोहित पिता सोहन, कल्पना पिता सोहन , रमिया बे. सुक्कन, नीलेश नाबा पिता सुक्कन वली मॉ रमिया , आरती नाबा पुत्री सुक्कन वली मॉ रमिया, सरस्वती नाबा पुत्री सुक्कन वली मॉ रमिया, दिव्या नाबा सुक्कन वली मॉ रमिया, कंचन पुत्री सुक्कन वली मॉ रमिया गोंड पता- कुण्डी
0.050 1.058
603/2/1
इलाशवती बे . बलीराम, विजन पिता बलीराम गोड, पता-
27
शाहपुर संकेश पिता बिहारी पता- बैतूल 28
29 फुलसिंह पिता धन्नुसिंह पता - बैतूल
योग
0.040 603/1/1 1.049
0.058 602/1
1.171
4.677 23.476
32
1- चूँकि हितबद्ध व्यक्तियों की आंशिक भूमि इटारसी नागपुर तीसरी रेल लाईन परियोजना के अंतर्गत अर्जन हेतु प्रस्तावित है, जिससे किसी भी व्यक्तिका विस्थापन नहीं हो रहा है । धारा 11 की उपधारा (3 ) के तहत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट का सारांश समिति द्वारा तैयार किया गया है , जिसका प्रकाशन पृथक से समुचित सरकार की वेबसाईट , स्थानीय स्तर पर तथा स्थानीय दो समाचार पत्रों में किये जाने हेतु पृथक से कार्यवाही की जा रही है ।
2- भूमि का नक्शा (प्लान) का निरीक्षण, अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) शाहपुर के कार्यालय में किया जा सकता है ।
3- कोई भी व्यक्तिअधिसूचना के प्रकाशन की तारीख से उक्त अधिनियम के अधीन कार्यवाहियों के पूरा होने जाने के समय प्रारंभिक अधिसूचना में विनिर्दिष्ट भूमि का, कलेक्टर (भूमि अर्जन) बैतूल की अनुमति के बिना कोई संव्यवहार नहीं करेगा/ कराएगा अथवा ऐसी भूमि पर कोई विल्लंगमन सृजित नहीं करेगा ।
4- समुचित सरकार की वेबसाइट www.betul.nic.in पर भी अपलोड किया गया है ।
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
955 भाग 1 ]
क्र.- 0012- अ-82-2025-26- भू- अर्जन रिधोरा
चूँकि समुचित सरकार को यह प्रतीत होता है कि संलग्न अनुसूची के कालम ( 1 ) से (4) में वर्णित भूमि/ परिसंपत्ति की, अनुसूची के कालम (6) में उसके सामने दिए गए सार्वजनिक प्रयोजन के लिए आवश्यकता है या आवश्यकता होने की संभावना है , भूमि अर्जन, पुनर्वास और पुनव्यर्वस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 (क्रमांक 30 सन 2013 ) की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार एतदद्वारा सभी संबंधित व्यक्तियों को , इस आशय की सूचना दी जाती है कि समुचित सरकार इसके द्वारा अनुसूची के कालम (5 ) में उल्लेखित अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में अधिनियम 2013 की धारा 12 के द्वारा दी गई शक्तियों का प्रयोग करने के लिए प्राधिकृत करता है।
अनुसूची-1
(प्रभावित कृषकों की सूची)
ग्राम
जिला तहसील
धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
लगभग क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)
1
2
3
4
5
6
20.467
रिधोरा
मुलताई
कार्यपालन यंत्री, जल संसाधन संभाग क्र. - 1 मुलताई
रिधोरा सिरकुंड स्टोरेज टैंक हेतु निजी भूमि का अर्जन बैतूल (म.प्र.)
अनुसूची -2
(प्रभावित धारकों की सूची )
क्र.
भूमिस्वामी का नाम
ख.नं. कुल रकबा (हे.मे. )
अर्जित रकबा (हे.में)
1
2
3
4
5
0.550
57/1
0.550
0.255
57/3
0.255
0.304
0.080
57/5
1 मुन्नापिता लक्ष्मण
53
0.409
0.409
0.296
56/1
0.296
0.390
0.390
8/2
0.540
0.540
57/2
12
0.999
0.999
2
गणेश व. टेनी, मीरा पिता टेनी , विजय अजय पिता गुलाबराव मैना बेवा गुलाबराव , रमला सारजी पिता घुड़िया, दिलीप धर्मेन्द्र पिता झनकलाल , बातो पिता झनकलाल जाति पवार सा. देह
0.301
57/4
0.160
55
0.243
0.243
3 कन्हैया पुत्र घुड़िया जाति पवार
54
0.182
0.182
0.260
0.897
8/1 956
मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 27 फरवरी 2026
4
गेंदू पुत्र हिरालाल जाति पवार सा. देह
5
ओझा पुत्र खुश्याली जाति पवार
6
[भाग 1
57/6
0.127
0.127
57/7
0.090
0.090
17
0.510
0.510
0.600
57/8/2
0.380
52
1.096
1.096
50
0.344
0.344
47
0.809
0.809
0.180
56/2
0.180
0.055
0.055 56/3
गेंन्दू , अमृतलाल पिता हिरालाल रूख्मा बेवा हिरालाल , चम्पा बल्लो पिता हिरालाल , किसनजी शंकर पिता गोंड, गणेश गुलाबराव पिता टेनी, जमना बेवा टेनी जाति पवार सा. देह
7
49/1
0.263 0.263
चैतराम पुत्र दमड्या रागी पुत्री दमड्या जाति पवार
8
0.225
51/1
0.225
0.034
0.034 46/1
0.066
0.040
46/9
कैलो, मुन्नी , मीरा , पुत्री धन्या झूवर पुत्री रोन्या गज्जी बेवा छोटे हीरा , दुल्लो, रूख्मणी, रेखा पुत्री छोटे जाति पवार
9 जगदीश दसरू पुत्र हिराजी
10
निलेश ललीत पिता गोण्डू
11 नरेश पिता बंशीलाल जाति पवार
12
प्यारेलाल , नान्हूलाल पुत्र पांडू पांडू पुत्र भोला
13 साहेबलाल पिता पांडू सा. देह
14
बाबुलाल पुत्र झिमरू
15
46/3
0.141 0.181
0.088
23/9
0.055
0.065 0.065
23/10
0.088
0.070 23/1
46/4 0.141
0.101
23/8 0.129
0.055
46/6
0.140
0.090
0.101
0.035 46/5
2
0.721 0.721
3
0.214
0.214
4
0.995
0.995
6
1.464
0.860
10
0.138
0.138
5/1
0.219
0.219
7/1
0.327
0.260 कसिया रखिया मैना नान्ही पुत्री भोला मौजी , पाण्डु पुत्र भोला
16 तुरजी पति प्यारे प्यारे पिता पाण्डु जाति पवार
17
9/1 0.063
0.063
0.219
5/2
0.219
7/2
0.328
0.015
0.062
9/2
0.062
11
0.874
0.874
राई , नाई पुत्री दमड्या, रामू श्यामू अम्बू मटर मुटुर झूनिया पिता बाबुलाल सा. रिधोंरा
18
13
0.198
0.198 गेंदू अमृतलाल चम्पा बल्लो पिता हिरालाल ओझाा कला मुन्नी गोंडन पिता खुश्याली मैना बायजा पिता दोलत अजय विजय पिता गुलाबराव मैना पिता गुलाबराव मनेशराव जमना पिता टेनी सा. देह
19 उजरी सुईला पुत्री बाज्या जाति पवार 14
0.138
0.138 957
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
गेंदू अमृतलाल पुत्र हीरालाल चम्पा बल्लो पुत्री हीरालाल 15 0.138 0.138
20 अजय विजय पिता गुलाबराव मैना बेवा गुलाबराव ओझा
गोंडन कला मुन्नी पुत्री खुश्याली मैना बायजा पुत्री दौलत
गणेश पुत्र टेनी मीरा पुत्री टेनी धन्नी बेवा टेनी
21 सुकू पुत्र बाज्या जाति पवार 18/1 0.235 0.235
22 लंकी पत्नी धुन्दू जाति पवार 18/2 0.279 0.279
23 जगन पुत्र बाज्या जाति पवार 18/3 0.235 0.060
24 श्यामू पुत्र बाबू जाति पवार 19 0.454 0.120
25 रतनलाल पुत्र सुखलाल जाति पवार सा. देह 20/2 0.241 0.040
कारू नंदलाल पुत्र चैतराम जाति पवार 49/2 0.263 0.263
26
51/2 0.225 0.225
27 अमरत पुत्र हिरालाल जाति पवार 16 0.393 0.393
28 कमला बेवा धुन्धू 58/2 0.783 0.040
29 टाटक्या पुत्र टेन्या सा. देह 71 1.287 0.020
30 नान्हू पुत्र पाण्डू 225/1/1 0.218 0.218
31 सक पुत्र पाण्डू 225/1/2 0.217 0.217
32 बाबू पुत्र पाण्डू 225/1/3 0.217 0.075
33 अमरलाल पुत्र पाण्डू 225/1/4 0.217 0.065
मनोहर पुत्र किसनजी जाति पवार 226/1 0.365 0.220
34
228/4 0.440 0.230
चम्पा बेवा मारोती, किशोर पुत्र मारोती कमल शशीकला 226/2 0.242 0.110
35
किरण कंचन पुत्री मारोती जाति पवार 227/1 0.651 0.225
36 इन्दल पुत्र शंकर जाति पवार 227/3 0.334 0.190
37 विनोदी पिता भीलू जाति पवार 228/2 0.688 0.520
नरेश पिता बंशीलाल सुनीता मीरा नान्ही पिता बंशीलाल 228/5 0.797 0.070
38
कौशल बेवा बंशीलाल जाति पवार
39 गणपती पुत्र श्यामराव जाति पवार 229/3 0.360 0.090
भिवजी पुत्र रतन सुभाष संतोष ममता पिता रामजी, 239/1 0.061 0.061
40
सरस्वती बेवा रामजी,
सुदामा दिलीप पुत्र नत्थू जाति पवार 238/5 0.728 0.030
41
239/2 0.202 0.120
42 भिकारी पुत्र गोपाल जाति पवार 287/1 0.700 0.110
43 लल्लू पुत्र गोपाल जाति पवार 287/2 0.180 0.060
44 मुन्ना मारोती लुखी पिता सुकाली 288 0.619 0.155
फुन्दाबाई पत्नी हिराजी 23/2 0.254 0.202
45
46/2 0.275 0.185
हीराजी रामजी धनजी पुत्र सुरजी झुलर कोगा तुलसी पुत्री 23/3 0.101 0.035
46
सुरजी
47 गनाजी पिता ओझा 48/1 0.236 0.236
48 मनाजी पिता ओझा 48/2 0.236 0.236
49 विशाल पिता ओझा 48/3 0.236 0.206
50 सकऱ्या पिता पन्ना 48/4 0.767 0.637
51 सोजर पुत्र रोन्या जाति पवार 46/7 0.091 0.046
योग 84 30.623 20.467
1- चूंकि हितबद्ध व्यक्तियों की आंशिक भूमि रिधोरा सिरकुंड स्टोरेज टैंक के अंतर्गत अर्जन हेतु
प्रस्तावित है , जिससे किसी भी व्यक्ति का विस्थापन नहीं हो रहा है । धारा 11 की उपधारा (3 ) के तहत
सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट का सारांश समिति द्वारा तैयार किया गया है, जिसका प्रकाशन पृथक
से समुचित सरकार की वेबसाईट , स्थानीय स्तर पर तथा स्थानीय दो समाचार पत्रों में किये जाने हेतु पृथक
से कार्यवाही की जा रही है ।
2- भूमि का नक्शा (प्लान) का निरीक्षण , अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) मुलताई के कार्यालय में किया
जा सकता है ।
3- कोई भी व्यक्ति अधिसूचना के प्रकाशन की तारीख से उक्त अधिनियम के अधीन कार्यवाहियों के पूरा
होने जाने के समय प्रारंभिक अधिसूचना में विनिर्दिष्ट भूमि का, कलेक्टर ( भूमि अर्जन) बैतूल की अनुमति
के बिना कोई संव्यवहार नहीं करेगा/ कराएगा अथवा ऐसी भूमि पर कोई विल्लंगमन सृजित नहीं करेगा ।
4- समुचित सरकार की वेबसाइट www.betul.nic.in पर भी अपलोड किया गया है ।
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, नरेन्द्र कुमार सूर्यवंशी, कलेक्टर एवं समुचित सरकार .
958
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
[भाग 1
कार्यालय , कलेक्टर , जिला मैहर, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव , मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग
मैहर , दिनांक 20 फरवरी 2026 क्र.- 06- भू-अर्जन-26
चूंकि राज्य शासन को यह प्रतीत है कि इससे संलग्न अनुसूची के खाने ( 1 ) से (4 ) मे वर्णित भूमि की अनुसूची के खाने (6) मे उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजन के लिये आवश्यकता है अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है । अतः भूमि अर्जन पुर्नवासन एवं पुर्नव्यवस्थापन मे उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 11 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार सभी संबंधित व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने 5 मे उल्लेखित अधिकारी को निम्न भूमि के संबंध मे धारा 11 की उपधारा (2 ) के द्वारा दी गयी शक्तियों का प्रयोग करने के लिये प्राधिकृत किया करता है । साथ ही अधिनियम की धारा 11 (4) के अंतर्गत कोई भी व्यक्ति प्रारंभिक अधिसूचना में विनिर्दिष्ट भूमि का कोई संव्यवहार नही करेगा या कोई संव्यवहार नही करायेगा अथवा ऐसी अधिसूचना के प्रकाशन की तारीख से इस अध्याय के अधीन कार्यवाहियों के पूरा हो जाने के समय तक उस भूमि पर कोई विल्लंगम सृजित नही करेगा ।
अनुसूची
भूमि का वर्णन
ग्राम
धारा 12 के लिये प्राधिकृत
अधिकारी
सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
जिला तहसील
अर्जनीय रकवा (हे०मे०) लगभग
0.0144हे 0
मैहर मैहर बेरमा
कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग (सेतु) निर्माण रीवा संभाग रीवा म०प्र०
लेविल कासिंग 375 किमी0 1132/8-9 में कटनी से मानिकपुर रेल लाइन में रेल्वे ओवरब्रिज निर्माण
भूमि का नक्शा (प्लान ) कार्यालय कलेक्टर (भूअर्जन शाखा) मैहर के कार्यालय मे देखा जा सकता है ।
मध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार, रानी बाटड, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
959
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
कार्यालय , कलेक्टर , जिला छिन्दवाड़ा, मध्यप्रदेश एवं पदेन उपसचिव, मध्यप्रदेश शासन , राजस्व विभाग
क्र.-835297-भू-अर्जन-2026
छिन्दवाड़ा, दिनांक 23 फरवरी 2026
चूँकि राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि संलग्न अनुसूची के खाने (1 ) से (4) में उल्लेखित वर्णित भूमि के अनुसूची खाने (6) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजनों के लिए आवश्यकता है. अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है । अतएव भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -11 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार एतद् द्वारा सभी संबंधित हितबद्ध व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने (5) में उल्लेखित प्राधिकृत अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में, भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -12 में दी गई शक्तियों को प्रयोग करने के लिए प्राधिकृत करता है ।
2 गध्य प्रदेश शासन , नर्मदा घाटी विकास विभाग, वल्लभ भवन ।।।.डी विंग प्रथम तल मंत्रालय, भोपाल के आदेश पत्र क्र . एफ- 31-06 / 2020 / सत्ताईस - एक भोपाल , दिनांक 06 अगस्त 2021 के द्वारा योजना के प्राक्कलन की प्रशासकीय स्वीकृति प्राप्त है ।
3. अतएव उपरोक्त के दृष्टिगत आवेदक विभाग द्वारा "भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-6 (2 ) के अन्तर्गत "सिंचाई परियोजनाओं की बाबत जहाँ तत्समय प्रवृत किसी अन्य विधि के उपबंधों के अधीन पर्यावरणीय समाघात निर्धारण की प्रकिया की अपेक्षा की जाती है, इस अधिनियम के सामाजिक समाघात निर्धारण के उपबन्ध लागू नहीं होगें । " अत. अधिनियम की धारा -6 के अन्तर्गत सामाजिक समाघात निर्धारण अध्ययन से छूट प्रदान की जाकर अधिनियम कीधारा -11 (3 ) के अन्तर्गत सामाजिक सभाघात निर्धारण रिपोर्ट का सारांश प्रकाशित नहीं किया जा रहा है ।
4. इस संबंध में राज्य शासन यह भी निर्देश देता है, कि उपरोक्त भूमि के अधिग्रहण किये जाने के संबंध में भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-15 के उपबंध उक्त भूमियों के संबंध में लागू होगें ।
अनुसूची
भूमि का वर्णनः-
तहसील नगर/ग्राम
1. जिला
अर्जित की जाने वाली प्रस्तावित भूमि के सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
अर्जित की जाने
वाली प्रस्तावित
भूमि लगभग
क्षेत्रफल
(हेक्टेयर में)
4
3
1
2
छिन्दवाड़ा तामिया
भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकरकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
6
5
भू-अर्जन अधिकारी तहसील- जुन्नारदेव जिला-छिन्दवाडा
दुधी परियोजना के अंतर्गत दुधी बांध से दूब प्रभावित ग्राम की निजी भूमि का अधिग्रहण किये जाने के संबंध में
रकबा-247.002
हेक्टेयर एवं
उपरोक्त भूमि पर
आने वाली
परिसंपत्तियां ।
ग्राम-नजरपुर कामठी, प०ह ० न -07 ब.न.-89 रा.नि.मं-देलाखारी
.2 अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के बारे में हितबद्ध कोई व्यक्ति अधि- सूचना प्रकाशन की जानकारी वेबसाईट www.chhindwara.nic.in एवं म०प्र ० शासन राजस्व विभाग भोपाल की वेबसाईट http://www.mprevenue.nic.in/ पर भी देखा जा सकता है ।
3. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शे (प्लान) का निरीक्षण कार्यालय कलेक्टर (भू- अर्जन शाखा) छिंदवाड़ा जिला छिन्दवाड़ा के न्यायालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शे (प्लान ) का निरीक्षण भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व) तहसील - जुन्नारदेव जिला छिन्दवाडा (म०प्र ० ) के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर देखा जा सकता है । 4.
5. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शा प्लान एवं प्रकरण का निरीक्षण कार्यपालन यंत्री, रानी अवंतीबाई लोधी सागर नहर संभाग क 0 2 गोटेगांव , जिला- नरसिंहपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
6. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शा प्लान एवं प्रकरण का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी रानी, अवंती बाई लोधी सागर बांयी तट नहर अनुविभाग बगासपुर , तहसील गोटेगांव, जिला नरसिंहपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
7. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के बारे में हितबद्ध कोई व्यक्ति अधि सूचना प्रकाशन के 60 दिनों के अंदर भू-अर्जन किये जाने के संबंध में आक्षेप लिखित रूप से कलेक्टर छिन्दवाड़ा के समक्ष प्रस्तुत कर सकता है ।
960
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
क्र.-835298- भू- अर्जन-2026
[भाग 1
चूँकि राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि संलग्न अनुसूची के खाने (1 ) से (4) में उल्लेखित वर्णित भूमि के अनुसूची खाने (6) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजनों के लिए आवश्यकता है, अथवा आवश्यकता पडने की संभावना है । अतएव भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -11 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार एतद् द्वारा सभी सबंधित हितबद्ध व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खानं ( 5 ) में उल्लेखित प्राधिकृत अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में. भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -12 में दी गई शक्तियों को प्रयोग करन के लिए प्राधिकृत करता है ।
2 मध्य प्रदेश शासन , नर्मदा घाटी विकास विभाग , वल्लभ भवन ।।। , डी विंग प्रथम ल मंत्रालय , भोपाल के आदेश पत्र क्र. एक 31 06/2020 / सत्ताईस एक भोपाल, दिनांक 06 अगस्त 2021 के द्वारा योजना के प्राक्कलन की प्रशासकीय स्वीकृति प्राप्त है ।
3 अतएव उपरोक्त के दृष्टिगत आवेदक विभाग द्वारा भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में चित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -6 (2) के अन्तगत "सिंचाई परियोजनाओं की बाबत जहाँ तत्समय प्रवृत किसी अन्य विधि के उपबंधों के अधीन पयांवरणीय समाघात निर्धारण की प्रकिया को अपेक्षा की जाती है. इस अधिनियम के सामाजिक समाघात निर्धारण के उपबन्ध लागू नहीं होगें ।" अत अधिनियम की धारा -6 के अन्तर्गत सामाजिक सभाघात निर्धारण अध्ययन से छूट प्रदान की जाकर अधिनियम की धारा-11 (3 ) के अन्तर्गत सामाजिक समाधात निर्धारण रिपोट का सारांश प्रकाशित नहीं किया जा रहा है ।
4. इस संबंध में राज्य शासन यह भी निर्देश देता है. कि उपरोक्त भूमि के अधिग्रहण किये जाने कं संबंध में भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -15 के उपबंध उक्त भूमियों के संबंध में लागू होगें ।
अनुसूची
भूमि का वर्णनः-
नगर/ग्राम
तहसील
जिला 1.
अर्जित की जाने वाली प्रस्तावित भूमि के सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
अर्जित की जाने
वाली प्रस्तावित
भूमि लगभग
क्षेत्रफल
(हेक्टेयर में)
4
3
2
दवाडा तामिया
भूमि अर्जन. पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
6
5
भू अर्जन अधिकारी तहसील जुन्नारदेव जिला-छिन्दवाडा
रकबा 132.842
हेक्टेयर एवं
उपरोक्त भूमि पर
आने वाली
ग्राम- चावलपानी, प० ह० न -08 ब.न.-42 रा.नि.मं देलाखारी
परिसंपत्तियां ।
दुधी परियोजना के अतर्गत दुधी बांध से डूब प्रभावित ग्राम की निजी भूमि का अधिग्रहण किये जाने के संबंध में
2 अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के बार में हितबद्ध कोई व्यक्ति अधि सूचना प्रकाशन कं। जानकारी वेबसाईट www.chhindwara nic in एवं म ० प्र ० शासन राजस्व विभाग भोपाल की वेबसाईट http://www.mprevenue.nic.in पर भी देखा जा सकता है ।
अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण कार्यालय कलेक्टर (भू अर्जन शाखा) छिंदवाड़ा जिला छिन्दवाडा के न्यायालय में कायालयीन समय पर किया जा सकता है ।
1 अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शे ( प्लान ) का निरीक्षण भू- अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व) तहसील जुन्नारदेव जिला छिन्दवाडा (म ०प्र०) के कार्यालय म कायालयीन समय पर देखा जा सकता है ।
5 अर्जित की जाने वाली उल्लेखित परस्तावित भूमि के नक्शा प्लान एवं प्रकरण का निरीक्षण कार्यपालन यत्री, रानी अवंतीबाई लोधी सागर नहर संभाग क ० 2 गोटेगांव, जिला-नरसिंहपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
आर्जत की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तादिन भूमि के नक्शा प्लान एवं प्रकरण का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी रानी अवंती बाई लोधी सागर बांयी तट नहर अनुविभाग बगासपुर , तहसील गोटेगांव , जिला नरसिंहपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्ताजित नामे क बार में हितबद्ध काई व्यक्ति आंध सूचना प्रकाशन के 60 दिनों के अंदर भू-अर्जन किये जाने के संबंध में आक्षेप लिखित रूप से कलेक्टर छिन्दवाडा के समक्ष प्रस्तुत कर सकता है ।
961
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
क्र.- 835299- भू- अर्जन-2026
चूँकि राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि संलग्न अनुसूची के खाने (1 ) से (4 ) में उल्लेखित वर्णित भूमि के अनुसूची खाने (6 ) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजनों के लिए आवश्यकता है, अधवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है । अतएव भूमि अर्जन. पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -11 की उपधारा ( 1 ) के उपबंधों के अनुसार एतद् द्वारा सभी संबंधित हितबद्ध व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने (5) में उल्लेखित प्राधिकृत अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में, भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-12 में दी गई शक्तियों को प्रयोग करने
के लिए प्राधिकृत करता है । 2 मध्य प्रदेश शासन , नर्मदा घाटी विकास विभाग , वल्लभ भवन ।।। डी विंग प्रथम तल गंत्रालय, भोपाल के आदेश पत्र क्र. एफ - 31-06 / 2020 / सत्ताईस - एक भोपाल , दिनांक 06 अगस्त 2021 के द्वारा योजना के प्राक्कलन की प्रशासकीय स्वीकृति प्राप्त है ।
3 अतएव उपरोक्त के दृष्टिगत आवेदक विभाग द्वारा "भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-6 (2) के अन्तर्गत "सिंचाई परियोजनाओं की बाबत जहाँ तत्त्समय प्रवृत किसी अन्य विधि के उपबंधों के अधीन पर्यावरणीय समाघात निर्धारण की प्रकिया की अपेक्षा की जाती है, इस अधिनियम के सामाजिक समाघात निर्धारण के उपबन्ध लागू नहीं होगें । " अत अधिनियम की धारा-6 के अन्तर्गत सामाजिक समाधात निर्धारण अध्ययन से छूट प्रदान की जाकर अधिनियम की धारा-11 (3) के अन्तर्गत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट का सारांश प्रकाशित नहीं किया जा रहा है ।
4. इस संबंध में राज्य शासन यह भी निर्देश देता है. कि उपरोक्त भूमि के अधिग्रहण किये जाने के संबंध में भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-15 के उपबंध उक्त भूमियों के संबंध में लागू होगें ।
अनुसूची
भूमि का वर्णनः-
तहसील नगर/ ग्राम
1 जिला
अर्जित की जाने वाली प्रस्तावित भूमि के सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
अर्जित की जाने
वाली प्रस्तावित
भूमि लगभग
क्षेत्रफल
(हेक्टेयर में)
4
3
2
1
छिन्दवाडा तामिया ग्राम-बम्होरी खुर्द , प० ह०न -07 ब.न.-109 रा.नि.मं-देलाखारी
भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
6
5
भू-अर्जन अधिकारी तहसील- जुन्नारदेव जिला-छिन्दवाडा
दुधी परियोजना के अंतर्गत दुधी बांध से खूब प्रभावित ग्राम की निजी भूमि का अधिग्रहण किये जाने के संबंध में
रकबा 36.998 हेक्टेयर एवं उपरोक्त भूमि पर परिसंपत्तियां । आने वाली
.2 अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के बारे में हितबद्ध कोई व्यक्ति अधि- सूचना प्रकाशन की जानकारी वेबसाईट www.chhindwara.nic.in एवं म०प्र ० शासन राजस्व विभाग भोपाल की वेबसाईट http://www.mprevenue.nic.in/ पर भी देखा जा सकता है ।
3 अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शे (प्लान) का निरीक्षण कार्यालय कलेक्टर (भू-अर्जन शाखा) छिंदवाड़ा जिला छिन्दवाड़ा के न्यायालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शे (प्लान) का निरीक्षण भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व ) तहसील जुन्नारदेव जिला छिन्दवाडा (म०प्र०) के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर देखा जा सकता है । 4.
5. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शा प्लान एवं प्रकरण का निरीक्षण कार्यपालन यंत्री, रानी अवंतीबाई लोधी सागर नहर संभाग क० 2 गोटेगांव , जिला- नरसिंहपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
6. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शा प्लान एवं प्रकरण का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी रानी अवंती बाई लोधी सागर बांयी तट नहर अनुविभाग बगासपुर, तहसील गोटेगांव , जिला नरसिंहपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
7. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के बारे में हितबद्ध कोई व्यक्ति अधि- सूचना प्रकाशन के 60 दिनों के अंदर भू-अर्जन किये जाने के संबंध में आक्षेप लिखित रूप से कलेक्टर छिन्दवाड़ा के समक्ष प्रस्तुत कर सकता है ।
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
962
क्र. -835300-भू-अर्जन-2026
[भाग 1
चूँकि राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि संलग्न अनुसूची के खाने (1 ) से (4 ) में उल्लेखित वर्णित भूमि के अनुसूची खाने (6) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजनों के लिए आवश्यकता है, अथवा आवश्यकता पडने की संभावना है । अतएव भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-11 की उपधारा (1 ) के उपबंधों के अनुसार एतद् द्वारा सभी संबंधित हितबद्ध व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने (5 ) में उल्लेखित प्राधिकृत अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में, भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -12 में दी गई शक्तियों को प्रयोग करने के लिए प्राधिकृत करता है ।
2 मध्य प्रदेश शासन, नर्मदा घाटी विकास विभाग , वल्लभ भवन ।।।. डी विंग प्रथम तल मंत्रालय , भोपाल के आदेश पत्र क्र. एफ - 31-06 / 2020 /31-06/ 2020 / सत्ताईस- एकसत्ताई भोपाल, दिनांक 08 अगस्त 2021 के द्वारा योजना के प्राक्कलन की प्रशासकीय स्वीकृति प्राप्त है ।
3. अतएव उपरोक्त के दृष्टिगत आवेदक विभाग द्वारा "भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-6 (2) के अन्तर्गत " सिंचाई परियोजनाओं की बाबत जहाँ तत्समय प्रवृत किसी अन्य विधि के उपबंधों के अधीन पर्यावरणीय समाघात निर्धारण की प्रकिया की अपेक्षा की जाती है, इस अधिनियम के सामाजिक समाघात निर्धारण के उपबन्ध लागू नहीं होगें ।" अतः अधिनियम की धारा -6 के अन्तर्गत सामाजिक समाघात निर्धारण अध्ययन से छूट प्रदान की जाकर अधिनियम की धारा-11 (3) के अन्तर्गत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट का सारांश प्रकाशित नहीं किया जा रहा है ।
4. इस संबंध में राज्य शासन यह भी निर्देश देता है, कि उपरोक्त भूमि के अधिग्रहण किये जाने के संबंध में भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-15 के उपबंध उक्त भूमियों के संबंध में लागू होगें । अनुसूची
1. भूमि का वर्णनः-
तहसील नगर/ ग्राम जिला
अर्जित की जाने वाली प्रस्तावित भूमि के सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
अर्जित की जाने
वाली प्रस्तावित
भूमि लगभग
क्षेत्रफल
(हेक्टेयर में)
3 1
2
तामिया
छिन्दवाड़ा
ग्राम-देहगांव कला, प०ह०न-09 ब.न.-78 रा.नि.मं-देलाखारी भूमि अर्जन. पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
6
4
5
भू-अर्जन अधिकारी तहसील - जुन्नारदेव जिला-छिन्दवाडा
दुधी परियोजना के अंतर्गत दुधी बांध से खूब प्रभावित ग्राम की निजी भूमि अधिग्रहण किये जाने के संबंध में का
रकबा-127.801
आने वाली
हेक्टेयर एवं
उपरोक्त भूमि पर
परिसंपत्तियां ।
.2. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के बारे में हितबद्ध कोई व्यक्ति अधि- सूचना प्रकाशन की जानकारी वेबसाईट www.chhindwara.nic.in एवं म० प्र० शासन राजस्व विभाग भोपाल की वेबसाईट http://www.mprevenue.nic.in/ पर भी देखा जा सकता है ।
3. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शे (प्लान) का निरीक्षण कार्यालय कलेक्टर (मू- अर्जन शाखा) छिंदवाड़ा जिला छिन्दवाड़ा के न्यायालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
4. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शे (प्लान) का निरीक्षण भू-अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी ( राजस्व) तहसील - जुन्नारदेव जिला छिन्दवाडा (म०प्र०) के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर देखा जा सकता है ।
5. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शा प्लान एवं प्रकरण का निरीक्षण कार्यपालन यंत्री , रानी अवंतीबाई लोधी सागर नहर संभाग क 0 2 गोटेगांव , जिला- नरसिंहपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
6 अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शा प्लान एवं प्रकरण का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी रानी अवंती बाई लोधी सागर बांयी तट नहर अनुविभाग बगासपुर, तहसील गोटेगांव.जिला नरसिंहपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
7. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के बारे में हितबद्ध कोई व्यक्ति अधि- सूचना प्रकाशन के 60 दिनों के अंदर भू-अर्जन किये जाने के संबंध में आक्षेप लिखित रूप से कलेक्टर छिन्दवाडा के समक्ष प्रस्तुत कर सकता है ।
963
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
क्र.-835301 -भू- अर्जन-2026
चूँकि राज्य शासन को यह प्रतीत होता है कि संलग्न अनुसूची के खाने (1 ) से (4) में उल्लेखित वर्णित भूमि के अनुसूची खाने (6) में उसके सामने दिये गये सार्वजनिक प्रयोजनों के लिए आवश्यकता है, अथवा आवश्यकता पड़ने की संभावना है । अतएव भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा11 की उपधारा (1 ) के उपबंधों के अनुसार एतद् द्वारा सभी संबंधित हितबद्ध व्यक्तियों को इस आशय की सूचना दी जाती है कि राज्य शासन इसके द्वारा अनुसूची के खाने (5) में उल्लेखित प्राधिकृत अधिकारी को उक्त भूमि के संबंध में, भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-12 में दी गई शक्तियों को प्रयोग करने के लिए प्राधिकृत करता है ।
2 मध्य प्रदेश शासन , नर्मदा घाटी विकास विभाग , वल्लभ भवन ।।। , डी विंग प्रथम तल मंत्रालय , भोपाल के आदेश पत्र क्र . एफ - 31-06 / 2020 / सत्ताईस- एक भोपाल , दिनांक 06 अगस्त 2021 के द्वारा योजना के प्राक्कलन की प्रशासकीय स्वीकृति प्राप्त है ।
3. अतएव उपरोक्त के दृष्टिगत आवेदक विभाग द्वारा "भूमि अर्जन , पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-6 (2) के अन्तर्गत "सिंचाई परियोजनाओं की बाबत जहाँ तत्समय प्रवृत किसी अन्य विधि के उपबंधों के अधीन पर्यावरणीय समाघात निर्धारण की प्रकिया की अपेक्षा की जाती है, इस अधिनियम के सामाजिक समाघात निर्धारण के उपबन्ध लागू नहीं होगें। " अत अधिनियम की धारा -6 के अन्तर्गत सामाजिक समाघात निर्धारण अध्ययन से छूट प्रदान की जाकर अधिनियम की धारा -11 (3 ) के अन्तर्गत सामाजिक समाघात निर्धारण रिपोर्ट का सारांश प्रकाशित नहीं किया जा रहा है ।
4 इस संबंध में राज्य शासन यह भी निर्देश देता है, कि उपरोक्त भूमि के अधिग्रहण किये जाने के संबंध में भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा -15 के उपबंध उक्त भूमियों के संबंध में लागू होगें ।
अनुसूची
भूमि का वर्णनः-
1. जिला तहसील नगर /ग्राम
अर्जित की जाने वाली प्रस्तावित भूमि के सार्वजनिक प्रयोजन का वर्णन
अर्जित की जाने
वाली प्रस्तावित
भूमि लगभग
क्षेत्रफल
(हेक्टेयर में)
4
3
1
2
छिन्दवाड़ा तामिया ग्राम-खैरीरें गाढाना , प०ह० न -07 ब.न.-33 रा.नि.मं- देलाखारी
भूमि अर्जन. पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 12 के अंतर्गत प्राधिकृत अधिकारी
5
6
भू-अर्जन अधिकारी तहसील - जुन्नारदेव जिला - छिन्दवाडा
दुधी परियोजना के अंतर्गत दुधी बांध से डूब प्रभावित ग्राम की निजी भूमि का अधिग्रहण किये जाने के संबंध में
रकबा-43.570 हेक्टेयर एवं उपरोक्त भूमि पर आने वाली परिसंपत्तियां ।
2. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के बारे में हितबद्ध कोई व्यक्ति अधि- सूचना प्रकाशन की जानकारी वेबसाईट www.chhindwara.nic.in एवं म०प्र० शासन राजस्व विभाग भोपाल की वेबसाईट http://www.mprevenue.nic.in/ पर भी देखा जा सकता है ।
3. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शे (प्लान) का निरीक्षण कार्यालय कलेक्टर (भू-अर्जन शाखा) छिंदवाड़ा जिला छिन्दवाड़ा के न्यायालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है । 4 अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शे (प्लान ) का निरीक्षण भू- अर्जन अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) तहसील - जुन्नारदेव जिला छिन्दवाडा (म० प्र०) के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर देखा जा सकता है ।
5. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शा प्लान एवं प्रकरण का निरीक्षण कार्यपालन यंत्री, रानी अवंतीबाई लोधी सागर नहर संभाग क ० 2 गोटेगांव, जिला- नरसिंहपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
6. अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के नक्शा प्लान एवं प्रकरण का निरीक्षण अनुविभागीय अधिकारी रानी अवंती बाई लोधी सागर बांयी तट नहर अनुविभाग बगासपुर, तहसील गोटेगांव , जिला नरसिंहपुर के कार्यालय में कार्यालयीन समय पर किया जा सकता है ।
अर्जित की जाने वाली उल्लेखित प्रस्तावित भूमि के बारे में हितबद्ध कोई व्यक्ति अधि- सूचना प्रकाशन के 60 दिनों के अंदर भू-अर्जन किये जाने के संबंध में आक्षेप लिखित रूप से कलेक्टर छिन्दवाडा के समक्ष प्रस्तुत कर सकता है ।
मंध्यप्रदेश के राज्यपाल के नाम से तथा आदेशानुसार,
हरेंद्र नारायन, कलेक्टर एवं पदेन उपसचिव.
964
भाग 1
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
उच्च न्यायालय के आदेश और अधिसूचनाएं उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश , जबलपुर
जबलपुर, दिनांक 12 फरवरी 2026
क्र. A-555- एक- 7-3-2025-भाग - एक.-मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय , जबलपुर की रजिस्ट्री अधिसूचना क्रमांक बी-8292जबलपुर, दिनांक 01 दिसम्बर 2025 एवं अधिसूचना क्रमांक बी-518 , जबलपुर, दिनांक 21 जनवरी 2026 में आंशिक संशोधन करते हुए , उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश, मुख्यपीठ जबलपुर, खण्डपीठ इन्दौर/ खण्डपीठ ग्वालियर के न्यायालयों एवं रजिस्ट्री तथा जिला न्यायपालिका हेतु होली (धुरेड़ी) के उपलक्ष्य में बुधवार दिनांक 04 मार्च 2026 का अवकाश घोषित किया जाता है.
उक्त घोषित अवकाश के एवज में उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश , मुख्यपीठ जबलपुर, खण्डपीठ इन्दौर/ खण्डपीठ ग्वालियर के न्यायालयों एवं रजिस्ट्री तथा जिला न्यायपालिका हेतु शनिवार , दिनांक 18 अप्रैल 2026 को कार्य दिवस रहेगा.
माननीय मुख्य न्यायाधिपति महोदय के आदेशानुसार, राजेन्द्र कुमार शर्मा , प्रिंसिपल रजिस्ट्रार (सतर्कता) .
जबलपुर, दिनांक 13 फरवरी 2026
क्र. D- 533- दो- 2-60-2014.- श्री राजेश कुमार शर्मा, रजिस्ट्रार (M) , उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश, जबलपुर को दिनांक 02 से 07 फरवरी 2026 तक, छः दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 01 फरवरी 2026 के तथा अवकाश के पश्चात् में दिनांक 08 फरवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति सहित, मुख्यालय से बाहर रहने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री राजेश कुमार शर्मा , रजिस्ट्रार (M) , उच्च न्यायालय , मध्यप्रदेश , जबलपुर को इन्दौर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्वमिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री राजेश कुमार शर्मा , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो रजिस्ट्रार (M) के पद पर कार्यरत रहते .
माननीय मुख्य न्यायाधिपति महोदय के आदेशानुसार, आशीष तिवारी , डी. आर. कम- पी.पी.एस.
जबलपुर , दिनांक 13 फरवरी 2026
क्र. B- 1183- चार- 8-42-1977- भाग-सोलह.-श्रीमती उर्मिला खेड़कर, व्यवहार न्यायाधीश, वरिष्ठ खण्ड, सरदारपुर जिला धार को दिनांक 16 फरवरी से 18 मार्च 2026 तक, कुल इकत्तीस दिवस का संतान पालन अवकाश (Child Care Leave ) स्वीकृत किया जाता है.
अवकाश से लौटने पर श्रीमती उर्मिला खेड़कर, व्यवहार
न्यायाधीश, वरिष्ठ खण्ड, सरदारपुर, जिला धार को सरदारपुर जिला धार पुनः पदस्थापित किया जाता है.
संतान पालन अवकाश (Child Care Leave) अवकाश काल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती उर्मिला खेड़कर, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो व्यवहार न्यायाधीश , वरिष्ठ खण्ड के पद पर कार्यरत रहतीं.
जबलपुर , दिनांक 16 फरवरी 2026
क्र. D-549- दो- 2-114-2017.-श्री राजीव म. आपटे, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, राजगढ़ - ब्यावरा को दिनांक 28 से 31 जनवरी 2026 तक, चार दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 01 फरवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री राजीव म. आपटे, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश , राजगढ़ - ब्यावरा को राजगढ़ ब्यावरा पुनः पदस्थापित किया जाता है.
कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री राजीव म. आपटे उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
965
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
क्र. D- 551- दो- 2-23-2020. श्री के.एन. सिंह, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, शहडोल को दिनांक 18 से 20 फरवरी 2026 तक, तीन दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृ त किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 21 एवं 22 फरवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री के.एन. सिंह , प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश , शहडोल को शहडोल पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्वमिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री के.एन. सिंह, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. D- 553- दो- 2-40-2019. श्री अमिताभ मिश्र, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, गुना को दिनांक 04 से 06 फरवरी 2026 तक तीन दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 07 एवं 08 फरवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री अमिताभ मिश्र, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश , गुना को गुना पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री अमिताभ मिश्र , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. D- 555- दो- 2-43-2020.-श्री अनिल कुमार सोहाने, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश , रायसेन को दिनांक 10 से 14 मार्च 2026 तक , पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 15 मार्च 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री अनिल कुमार सोहाने, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश , रायसेन को रायसेन पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्वमिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री अनिल कुमार सोहाने, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. D- 557-दो- 2-7-2019.- श्री राजेन्द्र प्रसाद सोनी , प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, शिवपुरी को दिनांक 18 से 20 फरवरी 2026 तक तीन दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 21 एवं 22 फरवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री राजेन्द्र प्रसाद सोनी , प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश , शिवपुरी को शिवपुरी पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्वमिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री राजेन्द्र प्रसाद सोनी, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते, तो प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. D- 559- दो- 2-14-2025.- श्रीमती वंदना जैन, प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय, देवास को दिनांक 25 फरवरी से 05 मार्च 2026 तक, नौ दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
अवकाश से लौटने पर श्रीमती वंदना जैन , प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय, देवास को देवास पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्वमिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती वंदना जैन, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
966
मध्यप्रदेश राजपत्र, दिनांक 27 फरवरी 2026
क्र . D- 561- दो- 2-34-2025.- श्रीमती प्रिया शर्मा, प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , मंदसौर को दिनांक 06 से 12 फरवरी 2026 तक , सात दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
अवकाश से लौटने पर श्रीमती प्रिया शर्मा , प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , मंदसौर को मंदसौर पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था .
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती प्रिया शर्मा , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
क्र. D - 563- दो - 2-8-2025.- श्री मनोज कुमार लढ़िया, प्रधान न्यायाधीश, कुटुंब न्यायालय , अनूपपुर को दिनांक 28 से 31 जनवरी 2026 तक , चार दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 01 फरवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश के लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री मनोज कुमार लढ़िया, प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , अनूपपुर को अनूपपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्वमिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री मनोज कुमार लढ़िया, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. D- 565- दो- 2-30-2023.- श्रीमती नोरिन निगम , प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय , सतना को दिनांक 19 से 20 फरवरी 2026 तक, दो दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 21 एवं 22 फरवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .
अवकाश से लौटने पर श्रीमती नोरिन निगम , प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय , सतना को सतना पुनः पदस्थापित किया जाता है.
[ भाग 1
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती नोरिन निगम , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
क्र. D-567- दो-2-27-2024.- श्रीमती वर्षा शर्मा, द्वितीय अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय , भोपाल को दिनांक 05 से 06 फरवरी 2026 तक, दो दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 07 एवं 08 फरवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है .
अवकाश से लौटने पर श्रीमती वर्षा शर्मा , द्वितीय अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय , भोपाल को भोपाल पुनः पदस्थापित किया जाता है .
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती वर्षा शर्मा, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं , तो द्वितीय अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं.
क्र. D- 569- दो- 2-61-2024.-श्री अरविन्द कुमार जैन, प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय , रायसेन को मध्यप्रदेश शासन , विधि और विधायी कार्य विभाग, भोपाल के आदेश क्र.3- (ए ) 19-03 - इक्कीस - ब(एक) , दिनांक 15 जून 2006 के अनुक्रमांक 12 (1 ) के अतंर्गत दिनांक 28 जनवरी 2024 से 27 जनवरी 2026 तक, दो वर्ष की ब्लाक अवधि के लिए तीस दिवस के अर्जित अवकाश को नगद भुगतान के लिए समर्पित करने की स्वीकृति प्रदान की जाती है.
क्र. D- 571- दो- 2-27-2024.- श्रीमती वर्षा शर्मा , द्वितीय अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश, कुटुम्ब न्यायालय , भोपाल को दिनांक 18 से 20 फरवरी 2026 तक, तीन दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है . साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 21 एवं 22 फरवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्रीमती वर्षा शर्मा , द्वितीय अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय , भोपाल को भोपाल पुनः पदस्थापित किया जाता है .
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मध्यप्रदेश राजपत्र , दिनांक 27 फरवरी 2026
भाग 1 ]
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्रीमती वर्षा शर्मा , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जातीं तो द्वितीय अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहतीं .
क्र. D-573- दो- 2-25-2022.- श्री विकास चन्द्र मिश्र , प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , राजगढ़ - ब्यावरा को दिनांक 24 जनवरी 2026 का एक दिन का स्वीकृत आकस्मिक अवकाश निरस्त किया जाता है तथा दिनांक 24 से 28 जनवरी 2026 तक , पांच दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
अवकाश से लौटने पर श्री विकास चन्द्र मिश्र , प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , राजगढ़ - ब्यावरा को राजगढ़ - ब्यावरा पुनः पदस्थापित किया जाता है.
कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री विकास चन्द्र मिश्र, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते .
क्र. D-575-दो-2-82-2023.-श्री अजय कांत पाण्डेय, अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश, कुटुंब न्यायालय , ग्वालियर को दिनांक 21 से 23 जनवरी 2026 तक, तीन दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है.
अवकाश से लौटने पर श्री अजय कांत पाण्डेय, अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय , ग्वालियर को ग्वालियर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री अजय कांत पाण्डेय , उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. D- 577- दो- 2-80-2023.- श्री रामजी गुप्ता, प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय, रतलाम को दिनांक 02 से 03 फरवरी 2026 तक, दो दिन का स्वीकृत आकस्मिक अवकाश निरस्त किया जाता है तथा दिनांक 02 से 06 फरवरी 2026 तक , पांच दिन का कम्युटेड अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पश्चात् में दिनांक 07 एवं 08 फरवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री रामजी गुप्ता, प्रधान न्यायाधीश, कुटुंब न्यायालय ,रतलाम को रतलाम पुनः पदस्थापित किया जाता है.
कम्युटेड अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्व मिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री रामजी गुप्ता, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. D-579- दो- 2-46-2023.- श्री दिनेश कुमार सिंह, द्वितीय अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश, कुटुंब न्यायालय , जबलपुर को दिनांक 02 से 06 फरवरी 2026 तक, पांच दिन का अर्जित अवकाश स्वीकृत किया जाता है. साथ ही अवकाश के पूर्व में दिनांक 01 फरवरी 2026 के सार्वजनिक अवकाश का लाभ उठाने की अनुमति प्रदान की जाती है.
अवकाश से लौटने पर श्री दिनेश कुमार सिंह , द्वितीय अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश , कुटुंब न्यायालय, जबलपुर को जबलपुर पुनः पदस्थापित किया जाता है.
अर्जित अवकाशकाल में उन्हें अवकाश वेतन तथा भत्ता उसी दर से देय होगा जो उन्हें अवकाश पर जाने के तत्काल पूर्वमिलता था.
प्रमाणित किया जाता है कि श्री दिनेश कुमार सिंह, उपरोक्तानुसार अवकाश पर नहीं जाते तो द्वितीय अतिरिक्त प्रधान न्यायाधीश के पद पर कार्यरत रहते.
क्र. D- 581- दो- 2-08-2025.- श्री मनोज कुमार लढ़िया, प्रधान न्यायाधीश , कुटुम्ब न्यायालय, अनूपपुर को दिनांक 02 से 13 जून 2025 तक, कुल बारह दिन के ग्रीष्मकालीन/ सार्वजनिक अवकाश के साथ एल.टी.सी. सुविधा का उपभोग करने के कारण , वर्ष दिनांक 01 जनवरी 2023 से दिनांक 31 दिसम्बर 2025 तक की ब्लाक अवधि के लिये एल.टी.सी. सुविधा के अंतर्गत दस दिवस (केवल दस दिवस) के अर्जित अवकाश नगदीकरण की स्वीकृति मध्यप्रदेश शासन, विधि और विधायी कार्य विभाग, भोपाल के आदेश क्र. 3- (ए ) 19-03 - इक्कीस - ब (एक) , दिनांक 15 जून 2006 के अनुक्रमांक 9 ( 1 - ड ) एवं समसंख्यक ज्ञापन क्र. 3666- इक्कीस - ब (एक) 2011 , दिनांक 08 अगस्त 2011 में दिए गए निर्देशों के अतंर्गत प्रदान की जाती है.
माननीय प्रशासनिक न्यायाधिपति महोदय के आदेशानुसार, आशीष तिवारी , डी.आर. - कम-पी.पी.एस.