RNI No. MAHBIL / 2009/31730
सत्यमेवजयते
महाराष्ट्र शासन राजपत्र
असाधारण भाग सात
वर्ष ७ , अंक १० ]
बुधवार , ऑक्टोबर २० , २०२१/ आश्विन २८ , शके १९ ४३ [ पृष्ठे ३, किंमत : रुपये ४७.००
असाधारण क्रमांक १६
प्राधिकृत प्रकाशन
अध्यादेश, विधेयके व अधिनियम यांचा हिंदी अनुवाद (देवनागरी लिपी) .
नगर विकास विभाग
मंत्रालय , मादाम कामा मार्ग , हुतात्मा राजगुरू चौक, मुंबई ४०० ०३२ , दिनांकित ३० सितंबर २०२१ ।
MAHARASHTRA ORDINANCE No. IV OF 2021 .
AN ORDINANCE FURTHER TO AMEND THE MAHARASHTRA MUNICIPAL CORPORATION ACT .
महाराष्ट्र अध्यादेश क्रमांक ४ सन् २०२१ । महाराष्ट्र नगर निगम अधिनियम में अधिकतर संशोधन करने संबंधी अध्यादेश ।
क्योंकि राज्य विधानमंडल के दोनों सदनों का सत्र नहीं चल रहा है ;
सन् १९ ४९
का
और क्योंकि महाराष्ट्र के राज्यपाल का यह समाधान हो चुका है कि , ऐसी परिस्थितियाँ विद्यमान हैं जिनके ५ ९ । कारण उन्हें इसमें आगे दर्शित प्रयोजनों के लिए , महाराष्ट्र नगर निगम अधिनियम में अधिकतर संशोधन करने के लिए सद्य कार्यवाही करना आवश्यक हुआ है ;
(१)
भाग सात १६-१ २
महाराष्ट्र शासन राजपत्र असाधारण भाग सात , ऑक्टोबर २० , २०२१ / आश्विन २८ , शके १ ९ ४३
अब , इसलिए , भारत के संविधान के अनुच्छेद २१३ के खण्ड ( १ ) द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए , महाराष्ट्र के राज्यपाल, एतद्वारा , निम्न अध्यादेश प्रख्यापित करते हैं , अर्थात्:-
१. ( १ ) यह अध्यादेश महाराष्ट्र नगर निगम ( संशोधन ) अध्यादेश , २०२१ कहलाए ।
संक्षिप्त नाम तथा प्रारम्भण ।
(२ ) यह तुरंत प्रवृत्त होगा ।
२ . महाराष्ट्र नगर निगम अधिनियम की धारा ५ की, उप - धारा ( ३ ) के प्रथम परंतुक के स्थान में, निम्न सन् १ ९ ४ ९ सन् १ ९ ४९ का ६१ की धारा ५ में
का ५९ । संशोधन। परंतुक, रखा जायेगा, अर्थात्: -
" परंतु, निगम के आम निर्वाचनों के संबंध में, महाराष्ट्र नगर निगम ( संशोधन ) अध्यादेश , २०२१ के प्रारम्भण के पश्चात्, प्रत्येक प्रभाग , चार पार्षदों का परंतु तीन से कम न हों तथा पाँच से अधिक न हों, होगा, यथासंभव शीघ्र , पार्षद निर्वाचित करेगा और प्रत्येक मतदाता , इस अधिनियम में अंतर्विष्ट किसी बात के होते हुए भी , उसके प्रभाग में निर्वाचित किए जानेवाले पार्षदों की संख्या के रूप में मतों की समान संख्या में मतदान करने का हकदार होगा : " । દે महाराष्ट्रशासन राजपत्र असाधारण भाग सात , ऑक्टोबर २० , २०२१ / आश्विन २८ , शके १ ९ ४३
वक्तव्य
महाराष्ट्र नगर निगम अधिनियम , १ ९ ६५ ( सन् १ ९ ४ ९ का ५ ९ ) के विद्यमान उपबंधों के अनुसार , नगर निगम में प्रत्येक प्रभाग केवल एक पार्षद का निर्वाचन करता है । कोविड-१ ९ महामारी के प्रादुर्भाव के कारण , राज्य में नगर निगमों के क्षेत्रों के भीतर जब स्वास्थ्य आपात स्थिति से निपटान करते समय निगम में बहु सदस्य प्रभाग प्रणाली का होना आवश्यक महसूस हुआ हैं । ऐसी स्थिति का पुनरीक्षण करने के पश्चात् और नगर निगमों के सुचारू कार्य की सुनिश्चिति करने की दृष्टि से, राज्य सरकार , उक्त अधिनियम के उपबंधों में यथोचित संशोधन करना इष्टकर समझती है ।
२. यह उपबंध करना प्रस्तावित किया गया है कि, नगर निगमों का प्रत्येक प्रभाग , चार पार्षदों का परंतु तीन पार्षदों से कम न हों, तथा पाँच पार्षदों से अधिक न हों, होगा , यथासंभव शीघ्र, पार्षद निर्वाचित करेगा । उस प्रयोजन के लिए , उक्त अधिनियम की धारा ५ में यथोचित संशोधन करना प्रस्तावित किया गया है ।
३. चूँकि राज्य विधानमंडल के दोनों सदनों का सत्र नहीं चल रहा है और महाराष्ट्र के राज्यपाल का यह समाधान हो चुका है कि, ऐसी परिस्थितियाँ विद्यमान हैं जिनके कारण उन्हे इसमें उपर्युक्त प्रयोजनों के लिए , महाराष्ट्र नगर निगम अधिनियम (सन् १ ९ ४ ९ का ५ ९ ) में अधिकतर संशोधन करने के लिए सद्य कार्यवाही करना आवश्यक हुआ है, अतः यह अध्यादेश प्रख्यापित किया जाता है ।
मुंबई ,
दिनांकित ३० सितंबर २०२१ ।
भगत सिंह कोश्यारी , महाराष्ट्र के राज्यपाल ।
महाराष्ट्र के राज्यपाल के आदेश तथा नाम से,
महेश पाठक, सरकार के प्रधान सचिव ।
(यथार्थ अनुवाद) ,
विजया ल. डोनीकर , भाषा संचालक, महाराष्ट्र राज्य ।
ON BEHALF OF GOVERNMENT PRINTING , STATIONERY AND PUBLICATION , PRINTED AND PUBLISHED BY DIRECTOR , RUPENDRA DINESH MORE , PRINTED AT GOVERNMENT CENTRAL PRESS , 21 - A , NETAJI SUBHASH ROAD , CHARNI ROAD , MUMBAI 400 004 AND PUBLISHED AT DIRECTORATE OF GOVERNMENT PRINTING , STATIONERY AND PUBLICATIONS , 21 - A, NETAJI SUBHASH ROAD , CHARNI ROAD , MUMBAI 400 004. EDITOR : DIRECTOR , RUPENDRA DINESH MORE .