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Maharashtra Gazette · Government of Maharashtra

Part VII, Ext No. 34, (18th Oct. 2024), ग्रामविकास विभाग, MAHARASHTRA ORDINANCE NO. XI OF 2024.

Published 18 October 2024

Type
Extra - Ordinary
Part
Part 7 (Hindi)
Division
CENTRAL SECTION
Identifier
in.gazette.maharashtra.2024-10-18.Extra-Ordinary_CENTRAL-SECTION_Part-7-Hindi-
Languages
English, Marathi

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महाराष्ट्र शासन राजपत्र असाधारण भाग सात, ऑकटोबर १८, २०२४/आश्िवन २६, शके १९४६ १ RNI No. MAHBIL /2009/31730

महाराष्ट्र शासन राजपत्र

असाधारण भाग सात

वर्ष १०, अंक २०] शुक्रवार, ऑक्टोबर १८, २०२४/आश्िवन २६, शके १९४६ [पृष्ठे ४, किंमत : रुपये ४७.००

असाधारण क्रमांक ३४

प्राधिकृत प्रकाशन

अध्यादेश, विधेयके व अधिनियम यांचा हिंदी अनुवाद (देवनागरी लिपी).

ग्रामविकास विभाग

बांधकाम भवन, २५, मर्झबान पथ, फोर्ट, मुंबई ४०० ००१, दिनांक १४ अक्तूबर २०२४

MAHARASHTRA ORDINANCE NO. XI OF 2024. AN ORDINANCE TO PROVIDE FOR TEMPORARY POSTPONEMENT OF ELECTIONS OF THE PRESIDENT, VICE-PRESIDENT AND CHAIRMEN OF THE SUBJECTS COMMITTEES OF CERTAIN ZILLA PARISHADS AND THE CHAIRMEN AND DEPUTY CHAIRMEN OF CERTAIN PANCHAYAT SAMITIS ON ACCOUNT OF ENSUING GENERAL ELECTIONS TO THE STATE LEGISLATIVE ASSEMBLY.

महाराष्ट्र अध्यादेश क्रमांक ११ सन २०२४।

राज्य विधान सभा के आगामी आम निर्वाचनों के कारण कतिपय जिला परिषदों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और कतिपय पंचायत समितियों के सभापति और उप-सभापति के निर्वाचनों के अस्थायी स्थगन का उपबंध करनेे संबंधी अध्यादेश ।

क्योंकि राज्य विधानसभा के आम चुनाव सन् २०२४ के नवम्बर महीने में किसी भी समय पर लिये जाने की संभावना है ;

भाग सात-३४---१२ महाराष्ट्र शासन राजपत्र असाधारण भाग सात, ऑकटोबर १८, २०२४/आश्िवन २६, शके १९४६ और क्योंकि कतिपय जिला परिषदों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और कतिपय पंंचायत समितियों के सभापति और उप-सभापति की पदावधि अक्तूबर-नवम्बर, २०२४ में समाप्त होनेवाली है ; और क्योंकि महाराष्ट्र विधानसभा के आगामी आम निर्वाचनों के कारण सभी जिल्ााधिकारी और जिलाधिकारी कार्यालयों के कर्मचारीवृन्द साथ ही साथ जिलों के पुलिस कर्ामिक भी महाराष्ट्र विधानसभा के आगामी आम निर्वाचनों के कारण तैयारी में व्यस्त है और निर्वाचन पूर्व और पश्च् कर्तव्यों से पूर्णत: व्यस्त होंगे ; और क्योंकि उक्त निर्वाचनों के किसी संभाव्य अतिव्याप्ति और सिविल तथा पुलिस प्रशासन पर पड़नेवाले किसी अनुचित तनाव की किसी संभावना और नागरिकों साथ ही साथ उम्मीदवारों और संबंधित मतदाताअों को किसी कानून और व्यवस्था संबंधी समस्या से होनेवाली असुविधा को रोकने के लिए कतिपय जिला परिषदों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और कतिपय पंचायत समितियों के सभापति और उप-सभापति के निर्वाचनों का तीन महीने की अवधि के लिए अस्थायी स्थगन करना इष्टकर समझा गया है ;

और क्योंकि राज्य विधानमंडल के दोनों सदनों का सत्र नहीं चल रहा है ; और क्योंकि महाराष्ट्र के राज्यपाल का यह समाधान हो चुका हैं कि, ऐसी परिस्थितियाँ विद्यमान हैं जिनके कारण उन्हें उपयर्ुक्त कारणों के लिए, कतिपय जिला परिषदों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति आर कतिपय पंचायत समिति के सभापति और उप-सभापति के निर्वाचनों को अस्थायी रूप से स्थगित करने के लिए उपबंध करने के लिये सद्य कार्यवाही करना आवश्यक हुआ हैं ;

अब, इसलिए, भारत के संविधान के अनुच्छेद २१३ के खण्ड (१) द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, महाराष्ट्र के राज्यपाल, एतद्द्वारा, निम्न अध्यादेश प्रख्यापित करते है, अर्थात:---

संक्षिप्त नाम तथा प्रारम्भण।

१. (१) यह अध्यादेश महाराष्ट्र जिला परिषद और पंचायत समिति (राज्य विधानसभा के आगामी आम निर्वाचनों के कारण कतिपय जिला परिषदों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और कतिपय पंचायत समितियों के सभापति और उप-सभापति) के निर्वाचनों का अस्थायी स्थगन अध्यादेश २०२४ कहलाए ।

(२) यह तुरन्त प्रवृत्त होेगा ।

परिभाषाएँ। २. इस अध्यादेश में, जब तक कि संदर्भ से अन्यथा अपेक्षित न हो,------

(क) " पंचायत समिति " का तात्पर्य, जिला परिषद अधिनियम के अधीन गठित पंचायत समिति से है ;

(ख) " जिला परिषद " का तात्पर्य, जिला परिषद अधिनियम के अधीन गठित जिला परिषद से है ;

(ग) " जिला परिषद अधिनियम " का तात्पर्य, महाराष्ट्र जिला परिषद और पंचायत समिति अधिनियम, १९६१ से है ;

सन १९६२ का महा. ५। (घ) इस अध्यादेश में प्रयुक्त किन्तु परिभाषित न किए गए शब्दों और अभिव्यक्तियों का वही अर्थ होगा जो जिला परिषद या पंचायत समिति के संबंध में जिला परिषद अधिनियम में उनके लिए समनुदेशित किया जाए ।

३. १. (१) जिला परिषद अधिनियम या तद्धीन बनाए गए नियमों या किसी न्यायालय के किसी न्याय निर्णय, ड़िक्री या आदेश में, अंर्तविष्ट किसी बात के होते हुए भी,------

अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समितियों के सभापति और उप-सभापति के निर्वाचनों का स्थगन और उनकी पदावधि का विस्तार ।

(क) जिला परिषद के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति, और पंचायत समितियों के सभापति और उप-सभापति के पदों का कोई निर्वाचन, ऐसे जिला परिषद या, यथास्थिति, पंचायत समिति के विद्यमान अवधि के दौरान, ढ़ाई वर्ष के अवसित हो जाने के पश्चात्, इस अध्यादेश के प्रवृत्त होने के दिनांक से नब्बे दिनों की अवधि में, या ऐसे पूर्वतर दिनांक तक जिसे राज्य सरकार, राजपत्र में अधिसूचना द्वारा (जिसे इसमें आगे, इस अध्यादेश में, " उक्त अवधि " कहा गया है) विर्िनदिष्ट कर सके, ऐसी अवधि में नहीं लिये जायेंगे ;

महाराष्ट्र शासन राजपत्र असाधारण भाग सात, ऑकटोबर १८, २०२४/आश्िवन २६, शके १९४६ ३

(ख) उक्त अवधि के पश्चात् निर्वाचित किए गए जिला परिषद के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समिति के सभापति और उप-सभापति के पदों की अवधि निर्वाचित पार्षदों या, यथास्थिति, सदस्यों की अवधि के साथ सहपर्यवसित होगी ;

(२) उप-धारा (१) में अंर्तविष्ट किसी बात के होते हुए भी, इस अध्यादेश द्वारा यथा बढाई गई जिला परिषद के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समितियों के सभापति और उप- सभापति की पदावधि अवसित होने के पश्चात्, वह जिला परिषद अधिनियम के अधीन जिला परिषद के नए अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समितियों के सभापति और उप-सभापति निर्वाचित होने तक पद पर बने रहेंगे।

अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समितियों के सभापति और उप-सभापति जिनकी पदावधि बढ़ायी गई है की शक्ितयाँ और कतिपय कृत्यों का विधिमान्यता । ४. जिला परिषद के सभी अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समितियों के सभापति और उप-सभापति जिनकी पदावधि धारा ३ के अधीन बढ़ाई गई समझी गई है या, यथास्थिति, बढ़ायी गई है, ऐसी संपूर्ण बढ़ाई गई अवधि के दौरान, जिला परिषदों के ऐसे अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति औऱ पंचायत समिति के सभापति और उप-सभापति के रूप में, सभी शक्तियों का प्रयोग, सभी कर्तव्यों का अनुपालन और सभी कृत्यों का निर्वहन करने के लिए सक्षम समझे जायेंगे और सक्षम होंगे ; और उक्त अवधि के दौरान उनमें से किसी के भी द्वारा किया गया कोई भी कृत्य अविधिमान्य नहीं होगा या किसी न्यायालय में, केवल इस आधार पर प्रश्नगत नहीं किया जायेगा कि जिला परिषद के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समितियों के सभापति और उप-सभापति की ऐसी बढ़ाई गई अवधि के दौरान, जिला परिषद के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समिति के सभापति और उप- सभापति की समस्त या किन्ही शक्तियों का प्रयोग या सभी या किन्ही कर्तव्यों का अनुपालन या सभी या किन्ही कृत्यों का निर्वहन नहीं कर रहे है ।

५. इस अध्यादेश में अंर्तविष्ट किसी बात के होते हुए भी, जिला परिषदों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समिति के सभापति और उप-सभापति की बढ़ायी गई पदावधि समाप्त होने से पूर्व या, यथा संभव शीघ्र, जिला परिषद अधिनियम के उपबंधों और तद्धीन बनाए गए नियमों के अनुसार, जिला परिषद के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समिति के सभापति और उप-सभापति के निर्वाचन करने के लिए जिलाधिकारी और संबंंधित अन्य अधिकारी द्वारा प्रबंंध किया जायेगा ।

जिला परिषद के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समिति के सभापति और उप-सभापति के निर्वाचन लेने की व्यवस्था करना ।

कठीनाईयों के निराकरण की शक्ित। ६. (१) इस अध्यादेश के उपबंधों को प्रभावी करने में या उसमें अन्र्तविष्ट किसी बात के कारणों द्वारा या इस अध्यादेश में अन्र्तविष्ट किन्ही मामलों के संबंंध में जिला परिषद अधिनियम प्रभावी करने में यदि कोई कठिनाई उद्भूत होती है तो राज्य सरकार आदेश द्वारा, जैसा अवसर उद्भूत हो, ऐसा कोई कार्य कर सकेगी जो उसे कठिनाई दूर करने के प्रयोजनों के लिए आवश्यक प्रतीत हो ।

(२) ऐसा प्रत्येक आदेश, उसके बनाए जाने के पश्चात्, यथा संभव शीघ्र, राज्य विधानमंडल के प्रत्येक सदन के समक्ष रखा जायेगा ।

संदेह का निराकरण । ७. संदेह के निराकरण के लिए, एतद्द्वारा, यह घोषित किया जाता है कि, इस अध्यादेश में अन्र्तविष्ट कोई बात, जिला परिषद या, यथास्थिति, पंचायत समिति के आम निर्वाचन के सद्य पश्चात् लिये जानेवाले जिला परिषदों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समिति के सभापति और उप-सभापति के पदों के निर्वाचन के संबंंध में लागू नहीं होगी ।४ महाराष्ट्र शासन राजपत्र असाधारण भाग सात, ऑकटोबर १८, २०२४/आश्िवन २६, शके १९४६

वक्तव्य।

महाराष्ट्र जिला परिषद और पंचायत समिति अधिनियम, १९६१ (सन् १९६२ का ५) के विद्यमान उपबंधों के अनुसार, राज्य में, जिला परिषदों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समिति के सभापति और उप-सभापति की पदावधि ढ़ाई वर्ष की है । कुछ जिला परिषदों और पंचायत समितियों में जिला परिषदों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और पंचायत समिति के सभापति और उप-सभापति की पदावधि अक्तूबर-नवम्बर, २०२४ महीने में समाप्त होनेवाली है ।

२. राज्य विधानसभा के आम निर्वाचन सन् २०२४ के नवम्बर महीने में किसी भी समय, लिये जाने की संभावना है । महाराष्ट्र विधानसभा के उक्त आम निर्वाचनों के कारण जिलों के सभी जिलाधिकारी और साथ ही साथ जिला कार्यालयों के कर्मचारीवृन्द साथ ही साथ जिलों में के पुलिस कर्ामिक भी उक्त आम निर्वाचनों की तैयारी में व्यस्त हैं और निर्वाचन पूर्व और पश्च् कर्तव्यों से पूर्णत: व्यस्त होंगे । उक्त निर्वाचनों के किसी संभाव्य अतिव्याप्ति और सिविल तथा पुलिस प्रशासन पर पडनेवाले किसी अनुचित तनाव की किसी संभावना और नागरिकों साथ ही साथ उम्मीदवारों और सबंंधित मतदाताअों को होनेवाली किसी कानून और व्यवस्था संबंधी समस्या या किसी असुविधा को रोकने के लिये जिला परिषदों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समिति के सभापति और पंचायत समिति के सभापति और उप-सभापति के निर्वाचन अस्थायी रूप से, नब्बे दिनों की अवधि के लिये स्थगित करना इष्टकर समझा गया है ।

३. चूँकि, राज्य विधानमंडल के दोनों सदनों का सत्र नहीं चल रहा है और महाराष्ट्र के राज्यपाल का यह समाधान हो चुका है कि, ऐसी परिस्थितियाँ विद्यमान हैं जिनके कारण उन्हे, महाराष्ट्र विधानसभा के आगामी आम निर्वाचनों के कारण कतिपय जिला परिषदों के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और विषय समितियों के सभापति और कतिपय पंचायत समिति के सभापति और उप-सभापति के पदों के निर्वाचनों का अस्थायी स्थगन और कतिपय अन्य अनुषंगिक मामलों का उपबंध करने के लिए सद्य कार्यवाही करना आवश्यक हुआ है, अत: यह अध्यादेश प्रख्यापित किया जाता है।

मुंबई,

सी. पी. राधाकृष्णन,

दिनांकित १४ अक्तूबर २०२४ । महाराष्ट्र के राज्यपाल।

महाराष्ट्र के राज्यपाल के आदेश तथा नाम से,

एकनाथ डवले, शासन के प्रधान सचिव।

(यथार्थ अनुवाद)

विजया डोनीकर,

भाषा संचालक,

महाराष्ट्र राज्य।

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Cite this issue. Maharashtra Gazette, Government of Maharashtra, 18 October 2024. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gazette.maharashtra.2024-10-18.Extra-Ordinary_CENTRAL-SECTION_Part-7-Hindi-/. Archive identifier in.gazette.maharashtra.2024-10-18.Extra-Ordinary_CENTRAL-SECTION_Part-7-Hindi-.