RNI No. MAHBIL /2009/35530
महाराष्ट्रट ासनी राजपत्र
असारण भाग सात
र्ष १२, अक २] मगळार, फेब्रुारी २४, २०२६/फेाल्गुनी ५, के १९४७ [पृष्ठे ३, शिकंमत : रुपयाे २३.००
असारण क्रमाक ३
प्राशिकृत प्राकानी
अध्यादे, शिेयाके अशिशिनीयाम याचा शिहादेी अनीुादे (देनीागरी शिलोपी)
उच्चतर तथा तकनीकी शिक्षा शिभाग
मंत्रालय, मंादामं कामंा मंार्ग, हुतात्मंा राजर्गुरू चौका, मंु ंबई ४०० ०३२,
दिदानांां दिकाता १८ फ़रावराी २०२६।
MAHARASHTRA ORDINANCE No. I OF 2026.
AN ORDINANCE
FURTHER TO AMEND THE MAHARASHTRA PUBLIC
UNIVERSITIES ACT, 2016.
महाराष्ट्र अध्यादे क्रमाक १ सन् २०२६।
महाराष्ट्र लोक शिश्शिद्यालोया अशिशिनीयाम २०१६ मं अशिकतर सोनी करनीेसबंशि अध्यादे।
क्यांशिक राज्य दिवधानांमंडल दाोनांं सदानांं का सत्रा नांहुं चौल राहुा हुै ;
और क्यांशिक मंहुाराष्ट्र काे राज्यपाल का यहु समंाधानां हुो चौुका हुै दिका, ऐसी पारिरास्थिदिताया दिवद्यमंानां हुं दिजनांकाे काराण उन्हुं इसमं आर्गे दादिगता प्रयोजनांं काे दिलए, मंहुाराष्ट्र लोका दिवश्वदिवद्यालय अदिधादिनांयमं, २०१६ सन् २०१७ का मंहुा. ६
मं अदिधाकातारा संोधानां कारानांे काे सद्य कायगवाहुी कारानांा आवश्यका हुआ हुै;
(१)
भार्ग साता-३–१२ महाराष्ट्रट ासनी राजपत्र असारण भाग सात, फेब्रुारी २४, २०२६/फेाल्गुनी ५, के १९४७ अबं, इसशिलोए, भाराता काे संदिवधानां काे अनांुच्छेदा २१३ काे खण्ड (१) द्वारा प्रदात्त स्थितायं का प्रयोर्ग काराताे हुए मंहुाराष्ट्र काे राज्यपाल, एताद्वारा, दिनांम्नां अध्यादाे प्रख्यादिपाता काराताे हुं अिागत् :—
१. (१) यहु अध्यादाे मंहुाराष्ट्र लोका दिवश्वदिवद्यालय (संोधानां) अध्यादाे, २०२६ काहुलाए । संदिप्ता नांामं औरा प्राराम्भण।
(२) यहु ताुरांता प्रवृत्त हुोर्गा ।
२. मंहुाराष्ट्र लोका दिवश्वदिवद्यालय अदिधादिनांयमं, २०१६ काी, धारा १०९ काी उपा-धारा (३) काे,— सन् २०१७ का मंहुा. ६ | सन् २०१७ का मंहुा. ६ काी धारा १०९ मं संाेधानां।
(१) खण्ड (घ) मं दिवद्यमंानां पारांताुका काे पाश्चौात् , दिनांम्नां पारांताुका जोड़ा जाएर्गा अिागत् :—
"पारांताु यहु औरा भी दिका, अकादादिमंका वर्षग २०२६-२७ काे दिलए राज्य सराकारा १५ मंाचौग २०२६ पारा या काे पाूवग आय पात्रा अनांुदात्त कारा सकाेर्गी।" ;
(२) खण्ड (छे) का दिद्वाताीय पारांताुका औरा साराणी दिनांरादिसता काी जाएर्गी ।महाराष्ट्रट ासनी राजपत्र असारण भाग सात, फेब्रुारी २४, २०२६/फेाल्गुनी ५, के १९४७ ३
क्तव्या
मंहुाराष्ट्र लोका दिवश्वदिवद्यालय अदिधादिनांयमं, २०१६ (सन् २०१७ का मंहुा. ६) काी धारा १०९, नांए मंहुादिवद्यालय या नांए पाठ् यक्रमं, दिवर्षय, संकाय दिवभार्ग या उपाग्रहु कांद्र ुरू कारानांे काी अनांुमंदिता मंार्गनांे काी प्रदिक्रया काे दिलए उपाबंधा काराताी हुै। उता धारा १०९ काी उपा-धारा (३) का खण्ड (घ) यहु उपाबंधा काराता हुै, दिका, दिवश्वदिवद्यालय द्वारा दिसफारिरा दिकाए र्गए आवेदानांं मं से राज्य सराकारा, उता धारा १०९ काे खण्ड (र्ग) काे अधाीनां दिवश्वदिवद्यालय काी दिसफारिरां काे पाश्चौात् तात्काल अनांुवताी वर्षग काे ३१ जनांवराी काो या काे पाूवग आय पात्रा अनांुदात्त कारा सकाेर्गी ।
२. िानांीय प्रादिधाकाराणं काे दिनांवागचौनां काे दिलए आचौारा संदिहुता काे काराण सराकारा, दिवदिहुता अवदिधा काे भीतारा आय पात्रा दाेनांे काे दिलए समंिग नांहुं िी। इसदिलए, सराकारा धारा १०९ काी उपा-धारा (३) का खण्ड (घ) मं यिोदिचौता संोधानां कारानांा इष्टकारा समंझताी हुै, तादिका अकादादिमंका वर्षग २०२६-२०२७ काे दिलए नांया मंहुादिवद्यालय या उच्चौतारा दिा काी संिा ुरू कारानांे काे दिलए राज्य सराकारा द्वारा आय पात्रा अनांुदात्त कारानांे का दिदानांांका दिवतारिराता कारा सकाेर्गी।
३. चौू दिका, राज्य दिवधानांमंडल काे दाोनांं सदानांं का सत्रा नांहुं चौल राहुा हुै औरा मंहुाराष्ट्र काे राज्यपाल गता प्रयोजनांं काे का यहु समंाधानां हुो चौुका हुै दिका, ऐसी पारिरास्थिदिताया दिवद्यमंानां हुं दिजनांकाे काराण उन्हुं इसमं उपायु दिलए मंहुाराष्ट्र लोका दिवश्वदिवद्यालय अदिधादिनांयमं, २०१६ (सन् २०१७ का मंहुा. ६) मं अदिधाकातारा संोधानां कारानांे काे दिलए, सद्य कायगवाहुी कारानांा आवश्यका हुआ हुै, अता: यहु अध्यादाे प्रख्यादिपाता दिकाया जाता हुै।
मंु ंबई,
दिदानांांदिकाता १८ फ़रावराी २०२६। आचायाष देव्रत,
मंहुाराष्ट्र काे राज्यपाल।
मंहुाराष्ट्र काे राज्यपाल काे आदाे तािा नांामं से,–
बंी. ेणूगोपालो रेड् डी,
सराकारा काे अप्पारा मंुख्य सदिचौव।
(यिािग अनांुवादा),
श्री. अरुण कमळाबंाइ ाळू शिगते, प्रभाराी भार्षा संचौालका, मंहुाराष्ट्र राज्य।
ON BEHALF OF GOVERNMENT PRINTING, STATIONERY AND PUBLICATION, PRINTED AND PUBLISHED BY DIRECTOR, RUPENDRA DINESH MORE, PRINTED AT GOVERNMENT CENTRAL PRESS, 21-A, NETAJI SUBHASH ROAD, CHARNI ROAD, MUMBAI 400 004 AND PUBLISHED AT DIRECTORATE OF GOVERNMENT PRINTING, STATIONERY AND PUBLICATIONS, 21-A, NETAJI SUBHASH ROAD, CHARNI ROAD, MUMBAI 400 004. EDITOR : DIRECTOR, RUPENDRA DINESH MORE.