| राजस्थान राजपत्र वशिेष ांक | RAJASTHAN GAZETTE Extraordinary | |
| स धकि र प्रक शशत | Published by Authority | |
| आषाढ़ 19, गुरूवार, शाके 1947- जुलाई 10, 2025 Asadha 19, Thursday, Saka 1947- July 10, 2025 |
भाग-1(ख)
महत्वर्पूण सरकारी आज्ञायें। कृ षि (ग्रुप-2)षवभाग अधसिूचना जयपुर, जून 30, 2025 संख्या प.10(38) कृ षष/ग्रुप-2/1985 :-जैसा कक राजस्थान सरकार कृ षष षवभाग, जयपुर से जारी अधसिूचना दनिाांक 13.10.1966 के द्वारा कृ षष उपज मण्डी सममति, (अनाज) अजमेर की स्थापना की गई थी। अब कृ षष उपज मण्डी सममति, (अनाज) अजमेर के अीिन गौण मण्डी क्षेत्र नसीराबाि जो कक पूवव में राजस्थान सरकार कृ षष षवभाग की अधसिूचना दनिाांक 04.03.1972 को घोषषि की गई थी, के ग्राम दलिवाडा में गौण मण्डी याडव तनमावण ककये जाने का तनणवय मलया है। अःि राजस्थान कृ षष उपज षवपणी अधतिनयम, 1961 की ािरा 5 की उपािरा 2 के अन्गिवि प्रत्िि शक्तयिों का प्रयोग करेि हुए राज्य सरकार ग्राम दलिवाडा-नसीराबाि में गौण मण्डी याडव स्थाषपि करने की घोषणा करीि है क्जसकी सीमाए तनम्नानुसार होंगीः- पूवव दशिा में- खसरा नां. 1620/549 पूवव दशिा में ािलाब की पाल कि एवां खसरा नां.576 ािलाब की पाल के सहारे पक्चचम दशिा में - खसरा नां. 575/1850 राष्ट्रीय राजमागव कि उत्रि दशिा में - खसरा नां. 575/1850 (खसरा नां. 564 से लगाि हुआ क्षिक्षण दशिा की ओर) क्षिक्षण दशिा में - खसरा नां. 575/1850 (खसरा नां. 635 के उत्रिी छोर कि)
पुनः उपरोति अधतिनयम की ािरा 4 की उपािरा (1) द्वारा प्रत्िि शक्तयिों के प्रयोग में राज्य सरकार षवज्ञप्ि करीि है कक इस मण्डी क्षेत्र में उपरोति मुख्य मण्डी याडव की सीमाओां से लेकर ग्राम पांचायि दलिवाडा की वविमान सीमाओां कि कोई स्थानीय अधकिारी ककसी षवधि के अन्षिववष्ट्ट ककसी बाि के होेि हुए भी और कोई अन्य व्यक्ति इस षवज्ञक्प्ि के प्रकाशन की ािरीख पर या पचचाि ् उपरोति मण्डी क्षेत्र के मलये षवज्ञक्प्ि ककसी भी कृ षष उपज के क्रय एवां षवक्रय के मलये कोई स्थान नही जमायेगा/स्थाषपि करेगा या कायम रखे जाने की अनुमति नही ेिगा। आगे राज्य सरकार द्वारा उपरोति अधतिनयम की ािरा 2 की उपािरा (1) के खण्ड 10 के अन्गिवि गौण मण्डी प्राांगण ग्राम दलिवाडा-नसीराबाि की उति सीमाओां को छोडकर ग्राम पांचायि दलिवाडा-नसीराबाि के सम्पूणव क्षेत्र को "माके ट प्रोपर" घोषषि ककया जााि है ।
राज्यपाल की आज्ञा से, अशोक कु मार मीणा, शासन उप सधचव।