| राजस्थान राजपत्र वशिेष ांक | RAJASTHAN GAZETTE Extraordinary | |
| स धकि र प्रक शशत | Published by Authority | |
| भाद्र 25, मंगलवार, शाके 1947- सतिम बर 16, 2025 Bhadra 25, Tuesday, Saka 1947- September 16, 2025 |
भाग 6 (क)
नगरपासलकाओं ंिबंधी ववज्ञप्ततयां आद।ि
स् ियत श सन वभि ग, र ज. जयपुर
अधसिूचना
जयपुर,्सतिम््र्ब1 ,्2125 ंिख््या प.10(न.पा.)(गठन)( चुनाव)डीएलबी/25/15621:-राजस्थान नगरपाललका अधनिनयम, 2009 की ािरा 3 एवं 10 तथा राजस्थान नगर पाललका (ननवााचन) ननयम, 1994 के ननयम 3 के अन्तगात प्रदत्त शक्ततयों का प्रयोग करते हुए क्जला कलतटर अलवर द्वारा स्थानीय ननकाय नगर पाललका कठू मर हेतु वाडा गठन के प्रारुप आदेश पर प्राप्त आपक्त्तयों के संब ि में प्रस्ताव, अपने अलमित सहहत प्रेषति ककये गये हैं। वाडा गठन के प्रारुप आदेश पर आपक्त्तयों पर षवचार करने के पश्चात राज्य सरकार उनके अलमित से सहमत है तथा उनके द्वारा प्रस्ताषवत वाडा गठन के प्रारुप आदेश को अनुमोहदत करती है।
यह सक्षम स्तर से अनुमोहदत हैं ।
र ज्यप ल की आज्ञ से,
जुईकर प्रतीक चन्रशेखर,
ननदेशक एािं वशिशष्ट श सन सध।िि
नगर प शलक कठू मर सीम वरििण प्रपत्र-क षिष -2025
| र्वाड ंि. | ीिमा्वरििण | जनंिख्या |
| 1 | लक्ष्मणगढ र्रो पुसल ि थाना ेि राजस्व ग्राम मानर्खेा की तरफ उत्तर दषिा की तरफ चलते हुये तईि र्रो ेि उत्तर की तरफ पर्हाी र्रो ेि पूवड की तरफ राजस्व ग्राम कठू मर की ीिमा लेते हुये क्षिणि दषिा की तरफ चलकर कच्चे रास्ते ेि पप्चचत की तरफ बल्ेिव के मकान को लेते ह ुये हेतराम जाट मकान ेि क्षिणि दषिा की तरफ पोखर के रास्ते क्षिणि दषिा की ओर चलते हुये मानर्खेा र्मो ािवड.नन.वव.कायाडलय तक। | 701 |
| 2 | मानर्खेा र्रो ेि उत्तर की ओर चलेकर पोखर के रास्ते चलते हुये बच्चू जाट के मकान को लेते हुये कु नि शमाड के मकान ेि ाियी ओर रामहं ि क े मकान काको लेते हुये राजस्व ग्राम की ीिमा ेि चतले हुये कु न्नि लाल माली के मकान होते हुये क्षिणि दशिा की तरफ चलकर जोतराम | 740 |
| क े मकान को लेते ाियी तरफ चलकर नननतन फौजािर का मकान तक वैचणव कॉलेज ेि क्षिणि दशिा की तरफ रघुवीर के मकान ेि उत्तर चलकर पप्चचम भाग शासमल करते हुये गुलाब ोिनी के मकान तक वहां ि े तरफ क्षिणि चलकर ैिनी वन्टिडि को लेते हुये लक्ष्मणगढ र्रो ेि बायी तरफ र्मुकर बजाज शोरूम के रास्ते चलते हुये रघुवीर के मकान होते हुये मानर्खेा र्मो तक | ||
| 3 | राजस्व ग्राम मानर्खेा की ीिमा ेि कठू मर की तरफ चलते हुये भाट बस्ती जाटो की बस्ती लेते हुये चौधरी र्गाडन ंिस्कृ त स्कू ल कोसलयों की बस्ती, चन्द्रभान बफड फै क्टी, ंितोषी माता का मंदरि, ववनो ि ज्यू ि ेिन्टर,ववचणु की ुिकान, रमेष की जाट की ुिकान ेि क्षिणि की तरफ घुमकर बायी तरफ कलुआ का मकान लेते हुये, ूिरजमल जाट धमडषाला वषवजी का मंदरि ेि बायी तरफ र्मुकर भाट बस्ती हौविाली को लेते हुये नत्थी खाती जयसंिहजाट के मकान को लेकर भाट बस्ती द्ववतीय, भनोखर र्रो, अजय ाि िका मकान ेि चलते हुये राजस्व ग्राम कठू मर की ीिमा तक। | 690 |
| 4 | तहीिल र्रो कै लाषचन् िजांगर्ग के मकान ेि बनवारीलाल के मकान ेि अंदहािर् किड ल की तरफ चलते हुये जैन वस्त्र भर्ण्ार को र्छोकर क्षिणि दषिा की तरफ चलते हुये वषवराम के मकान को र्छोते हुये बबली के मकान के ािमने ेि बायी तरफ रियाब कोली का मकान लेते हुये गोपाल ेिके टी का मकान,मुल्ली कोली के ािमने वाली र्रो ेि जाटव गुरजी मौहल्ला का र्छोकर राजस्व ग्रामकठू मर की ीिमा के हिारे हिारे चलते ह ुये कच्चा र्रो रानौता अजय ाि ि के मकान को र्छोकर जय संिह के मकान को र्छोते हुये भाट बस्ती के पीछे ेि रूप संिह बाािम का कु आ ल ेते हुये रघुवीर के मकान को लेते हुये जाट धमडषाला को र्छोकर गौरवपथ को पार करते हुये कै लाषचन् िजांगर्ग कें मकान तक। | 695 |
| 5 | र ेला र्मो नतराहे पानी की टंकी मप्न्रि ेि तरफ क्षिणि चलते हुये पूवी भाग को मिमसलत करते हुये मुरारी मीणा तक वहां ेि तरफ क्षिणि चलते हुये सद्विद्वी मीना, राजेन्द्र र्ागुर, राजवीर र्ागुर गगराडज, मोती, बबरजू शमाड,के मकानों को व पूवी भाग को शासमल करते हुये बनि क ै लाश तक वहां ेि तरफ पूवड र्मुकर राचरण र्ागुर तक, वहां ेि तरफ क्षिणि र्मुकर पूरनर् ागुर होते हुये खेरली रेल कीर् कि तक वहां ेि पूवड र्मुकर खेरली र्रो तक वहां ेि तरफ उत्तर चलकर पप्चचमी भाग शासमल करते हुये जीआईए ि स्कू ल होते हुये रेला र्मो नतराहे पानी की टंकी मप्न्रि | 702 |
| 6 | र ेला र्मो नतराहे ेि तरफ क्षिणि चलते हुये पप्चचमी भाग शासमल करते ह ुये ओमी पहलवान, टरी तक, वहां ेि तरफ क्षिणि चलकर तुहीराम इन्रि, मुखराम होते हुये बहाुिर तक वहां ेि तरफ पूवड र्मुकर क्षिणिी | 708 |
| भाग शसमल करते हुये बृजमाहन होकर जगीिश रोतवार तक वहां ेि रेला खेरली र्रो तक चलते हुये राजस्व ीिमा रेला को प्मिमसलत करते हुये तरफ पप्चचम चलकर उत्तर र्मुकर राजवीर रोतवार, पुजारी होते हुये पोखर शासमल कर बनि पीटीआई वाली कॉलोनी को मिमसलत करते हुये र ेला र्मो नतराहे | ||
| 7 | नगर र्रो पेट्रोल पंप ेि रघु ीिनीयर ेिकड्री स्कू ल को लेते हुये ेिहना वाला नतराहा ेि बाईपा ि पर चलकर हुकम मास्टर का मकान राके ष कमपाउर्ण्र का मकान, मुनीराम का मकान, ुिलीचन् ि का मकान, मीरा ब्यूटी पालडर हररजन ववजय पाल का मकान खेमचन् ि र्ीलर का मकान, मुल्ली कोली के मकान को र्छोकर ािंयी तरफ र्मुकर ववजय जाटव के मकान को लेते हुये बबली के मकान को लेकर उत्तर की तरफ चलकर मैन र्रो जैन वस्त्र र्भांर ेि ािंयी तरफ र्मुकर मुके ष जाटव के मकान को लेकर ववजय संिह जाटव के मकान ेि क्षिणि दषिा की ओर मिय संिह छोटेलाल ोिनू के मकान को लेते हुये वीरेन्द्र के मकान को र्छोकर रामरत्न के मकान को लेकर रमन का मकान जगमोहन का मकान को लेकर चौधरी टैक्ट्रर ऐजेंीि को र्छोकर नगर र्रो पेट्रोल पंप तक। | 750 |
| 8 | कठु मर र्खेली पर र्कि पर प्स्थत वकील की ुिकानें ेि बाई ओर पीएनबी बैंक की गली की ओर चलते हुऐ अरावली कॉलेजी को लेते हुऐ ववजयपाल भगवानसंिह धमेन्द्र के मकान को मिमसलत करते हुये इन्ुि ज्यू िकी ुिकाने को लेते हुऐ बायी ओर र्मुकर के ािर हलवाई की ुिकान तक। के ािर हलाई की ुिकान ेि बायी ओर र्मुकर ववरान के मकान को ल ेते हुऐ अजय व घनचयाम जाट के मकान को लेते हुऐ राजू के मकान तक। राजू के मकान ेि बायी ओर र्मुकर गली में ीिधे चलते हुऐ विवता, ववरेन्द्र के मकान ेि बायी ओर र्मुकर हररसंिह के मकान तक। हररसंिह के मकान ेि चलते हुऐ अमर्बेकर कॉलोनी को लेते हुऐ जगीिश क े मकान को शामील करते हुऐ नवीन के मकान होते हुऐ चौधरी ट्रेक्टर शौरूम (र्खेली कठू मबरर् कि पर ) तक। चौधरी ट्रेक्टर शौरूम ेि ीिधे र्डया वाले के मकान ं क्षिणि दशिा में र्खेली की ओर चलते हुऐ बन्टी मु ुिकान को लेते हुऐ हिना वाला नतराहा तक हिना वाल नतराहा ेि बायी ओर र्मुकर पूवड दशिा की ओर राजस्व ीिमा के रिह-िहिि िपर चलते ह ुऐ मािरीर् कि तक। मािरीर् कि ेि बायी ओर र्मुकर पप्चचम दशिा की ओर चलते हुऐ महेन्द्र मरिी के मकान को लेते हुऐ अमर्बेकर छात्रावा िको लेते हुऐ बन्ध की तलाई को लेते हुऐ खाटू चयामजी मप्न्रि होते हुऐ गार्डया लोहारा का र्ेरा होते हुऐ र्खेली कठू मबर र्कि पर वकील की ुिकानें तक का बायी ओर का मिपूणड आबाीि एररया शासमल ह ै। | 745 |
| 9 | मुख्य बजारर् कि पर प्स्थत दपिक फु ट वेयर की ुिकान ेि ीिधे उत्तर | 720 |
| दशिार् क ओर चलते हुऐ (बाई ओर के भाग को लेते हुये) गल्डि किू ल को शामील करते हुऐ ववचणु अग्रवाल के मकान को लेते हुऐ राजेन्द्र र्गरवाल के मकान तक। राजेन्द्र र्गरवाल के मकान ेि बाई ओर र्मुकर आगे चलते हुऐ ोिनू ोिनी के मकान को लेतु हुऐ जैन मिाज की ुिकाने को लेतु हुऐ जैन मप्न्रि को शामील करते हुऐ ीिताराम मप्न्रि के ािमने ेि होतु हुऐ राजेन्द्र शमाड के मकान तक। राजेन्द्र शमाड के मकान ि े बाई ओर र्मुकर क्षिणि की ओर चलकर कै लाश मास्टर के मकान के पीछे ेि होते हुऐ दहरा लाल के मकान के पा िेि होतु हुऐ कै लाश शमभु मास्टर के मकान। ुिकान तक। कै लाश मास्टर की मकान/ुिकान ेि पीछे चलकर असमन जैन की ुिकान होते हुऐ अमर्बेकर पाकड तक। अमर्बेकर पाकड ेि ाियी ओर र्मुकर पीछे चलकर कु न्जी लाल, रामजीलाल की ुिकान/मकान तक कु न्जी लाल, रामजीलाल की ुिकान/मकान ेि बाई ओर र्मुकर पूवड दशिा की ओर चलते हुऐ परािीि लाल जी के मकान को लेते ह ुये पुरूषोतम के मकान को लेतु हुऐ (के ािर हलाई के ािमने ेि) होतु हुऐ मुख्य बजारर् कि पर ीिपक फु ट ववयर तक। | ||
| 10 | छज्जू की ुिकान ेि तरफ उत्तर चलकर कै लाश जनूथररया के मकान तक पूवी भाग शासमल कर तरफ पूवड चलकर नत्थी जैन तक वहां ेि तरफ क्षिणि चलकर रामबाबू अध्यापक, ीिताराम का शासमल करते हुये क ै लाश शमाड तक वहां ेि तरफ क्षिणि चलकर पप्चचमी भाग शासमल करते हुये कु महार मौहल्ला के ोिनों ओर के मकानों को मिमसलत करते ह ुयेर् कशन कु महार तक वहा ंि तरफ पप्चचम चलकर छज्जू की ुिकान तक | 640 |
| 11 | मनर्खेा र्रो पर प्स्थत बलेिव पप्ब्लक स्कू ल ेि पप्चचम दशिा की ओर मानर्खेा र्कि पर चलते हुऐ जीत संिह के मकान को लेते हुऐ चयामलाल का चबुतरा तक। चयामलाल के चबुतरे ेि बाई ओर र्मुकर आगे की ओर चलते हुऐ ीिन ीिनवार निि तक (चौधरीयों के मकान तक) ीिन ीिन ीिनवार मकान ेिर् फर बाई ओर र्मुकर पूवड दशिार् क ओर चलते हुए रोहीताश के मकान को लेते हुऐ (जाट कॉलोनी आंसशक) को लेते हुए वैचणवी कॉलेज होते हुऐ ूिरज जाट के मकान को लेते हुऐ मनुआ तालाब को शामील करते हुऐ बाऐ-ािऐ र्मुते हुऐ राजेन्द्र जाट, बधु जाट व बच्छु जाट के नोहरे को लेते हुए कल्लन के मकान को लेते हुए बागा ुिनार के मकान के ािमने ेि हेते हुऐ जैन मप्न्रि होते हुऐ रज्जो जाट के मकान को शामील करते हुऐ ािमोरि जिापत के मकान को लेते ह ुऐ खेमचन् िके मकान होते हुऐ मोती लाल कोली के मकान तक। मोती लाल कोली के मकान ेि आगे चलते हुऐ बनवारी के मकान को लेते हुऐ ववनो ि खर्ण्ेलवाल के मकान को शामील करते हुऐ गुलाब ठे के ािर के मकान को लेते हुऐ लक्ष्मण र्गररया के मकान तक। लक्ष्मण र्गररया के | 701 |
| मकान ेि ीिधे उत्तर दशिा की ओर चलते हुऐ ेिम के मकान तक। ेिम क े मकान ेि र्फर बाई ओर र्मुकर क्षिणि दशिा की ओर चलते हुऐ रामअतवार के मकान को लेते हुऐ बलेिव पप्ब्लक स्कू ल के ािमने तक का भाग शामील है। | ||
| 12 | जैन मिाज की ुिकान के ािमने प्स्थत ीि.पी. ोिनी की ुिकान को लेते ह ुऐ उत्तर की ओर चलते हुऐ भिु पंचाल के मकान को लेते हुऐ मोहन लाल ठाकु र के मकान होते हुए लक्ष्मण ािि ि के मकान को लेते हुए आशाराम बंलि के मकान के ािमने महेश शमाड, गोपी अवस्थी, अभयकृ चण के मकान को मिमसलत करते हुये कै लाश पटवारी के मकान को लेते हुये आशाराम बंलि के मकान ेि चलकर बनवारी लुहईया के मकान को लेते हुऐ गोपाल मोीि के मकान होते हुऐ रज्जो जाट के मकान के ािमने तक। र्फर बाई ओर र्मुकर ीिधे चलकर अमर चन् ि अग्रवाल के मकान को लेते हुऐ पतपू कर्ण्ेरा के मकान तक। पतपू कर्ण्ेरा क े मकान ेि बाऐ-ािऐ र्मुकर ीिताराम मप्न्रि (जैन धमडशाल) को लेते ह ुऐ ननुवा धोबी की ुिकान को लेते हुऐ ीि.पी. ोिनी की ुिकान तक का भाग शामी है। | 692 |
| 13 | मुख्य नगर र्खेली र्कि (पीएचर्ईी कायाडलय) के ािमने ेि र्एीिओ कोटड के कै मप िको शामील करते हुऐ पप्चचम की ओर चलते हुऐ ंिस्कृ त स्कू ल को लेते हुऐ ोिननयों की हवले तक। ोिनीयों की हवेली ेि बायी ओर र्मुकर क्षिणि की ओर चलते हुऐ भिु जी व अरववन् िजी शामाड के मकानों को लेते हुऐ रामबाबू शमाड के मकानों को शामील कर मनोहरी लाल के मकान होते हुऐ रहमान र्चुी वाले के मकान तक। रहमान र्चुी वाले के मकान हेते हुऐ गुलाब ोिनी की ुिकान को लेते हुऐ झोर्पी वाले मप्न्रि तक। झोर्पी वाले मप्न्रि ेि ीिधे आगे की ओर (पूवड दशिा की) चलते हुऐ राजेन्द्र र्गरमल के मकान के ािमने तक। राजेन्द्र र्गरमल के मकान के ािमने ेिर् फर बायी ओर र्मुकर उत्तर दशिा की ओर चलकर किाश जिी के ािमने ेि होते हुऐ रामखखर्लाी के मकान को र्छोकर, रामखखर्लाी के मकान के ािमने ेि होते हुऐ ाियी ओर र्मुकर पूवड दशिा की ओर र्मुकर आगे की ओर चलकर र्एीिओ कोटड की दविार-दविार होते हुऐ मुख्यर् कि पर र्एीिओ कोटड के विेश द्वार तक के बायी ओर की मिपूणड आबाीि शामील है। | 712 |
| 14 | मुख्य र्कि पर प्स्थत ब्जिी मर्ण्ी के पा ि गोपाल मास्टर के मकान को शामील कर पप्चचम की ओर चलकर र्एीिओ कोटड के पा िदहरालाल धोबी के मकान को शामील कर कोटड के पीछे -पीछे दविार के हिारे-हिारे चलते हुऐ बनवारी लाल लखेरा के मकान को लेते हुऐ रामअवतार कं र्ेरा ेि राधा र्गररया के मकान तक। राधा र्गररया के मकान ेिर् फर बायी ओर र्मुकर क्षिणि दशिा की ओर चलकर बनैसंिह र्गररया के मकान को | 663 |
| शामील करते हुए रामखीर्लाी के मकान होते हुऐ रार्मकशोर तेली के मकान लेते हुऐ जैन धमडशाला को शामील कर किाश जिी के मकान तक। किाश जिी के मकान ेिर् फर बायी ओर र्मुकर पूवड दशिार् क ओर चलकर घनचयाम खर्ण्ेवाल के मकान को लेते हुऐ पतपू तेली के मकान तक। पतपू तेली के मकान ेि बायी ओर र्मुकर ओगे की ओर चलते हुऐ जीतू खटीक के मकान के ािमने ेि होते हुऐ हरर संिह के मकान व ािमोली वाले पप्र्ण्त जी के मकान को लेते हुऐ मुख्यर् कि तक। मुख्य र्कि ेि र्फर बायी ओर र्मुका उत्तर र्क ओर चलते हुऐ तेजपाल कर्ण्ेरा के मकान को लेते हुऐ हरी कर्ण्ेरा के मकान होते हुऐ गोपाल मास्टर के मकान तक के बायी ओर का मिपूणड आबाीि एररया शामील ह ै। | ||
| 15 | ब िस्टेर्ण् (अदहंाि किड ल) ेि उत्तर दशिा की ओर नगर की ओर चलते ह ुऐ बाई ओर के भाग को लेते हुऐ हुल्याना वालों के माके ट ेि चलकर बुीिलाल खटीक के मकान को शामील कर ब्जिी मर्ण्ी तक। ब्जिी मर्ण्ी ेि बायी ओर र्मुकर मीणा के नोहरा को शामील करते हुऐ जीतु खटीक के मकान ेि होते हुऐ जयसंिह खटीक के मकान तक। जयसंिह खटीक के मकान ेि ीिधे चलकर किाश जिी कीुिकान के ािमने ेि होते हुऐ बायी ओर र्मुकर गल्डि स्कू ल (बासलका ववद्यालय) को शामील करते हुऐ गणेश मप्न्रि को लेते हुऐ जैन बुक र्डपो को शासमल करते ुिनार की ुिकान लेते हुऐ गंगा जी के मप्न्रि को लेते हुए पीएनबी बैंक को लेते हुऐ मुयार् कि पर प्स्थत ववजेन्द्र की ुिकानों को लेते हुए बायी ओर र्मुकर कठु मबर ब िस्टेर्ण् पर हुल्याना माके ट तक का भाग शामील ह ै। | 685 |
| 16 | र्खेली र्कि पर प्स्थत बच्चु मीणा के मकान ेि पप्चचम दशिा को चलकर र्एीिओ कोटड को र्छोते हुऐ अटल ेिवा के न्द्र को शामील करते ह ुऐ (ाियी-बाई ओर र्मुकर) फू ल संिह जाट के मकान को लेते हुऐ रामअवतार के तलाट को लेते हुए उत्तर दशिा की ओर चलते हुऐ तुािरी वाला नतराहा तक। तुािरी वाले नतराहा ेि र्फर सधिे (नगर र्रो) पर चलते हुऐ राजेश जाट के मकान को शामील करते हुऐ नगर र्रो पर राजस्व ीिमा तक नगर र्रो पर राजस्व ीिमा ेि ाियी ओर र्मो कर राजस्व ीिमा की रिह-िरिह ि पर चलकर ािमोली र्कि होते हुऐ रिह-िरिह िहोते हुऐ मैथनार् कि तक, मैथनार् कि ेि राजस्व रिह-ि रिह िचलते हुऐ हनीपुर र्रो तक, हनीपुर र्रो ेि ाियी ओर र्मुकर पूवड दशिा की ओर हनीपुर र्कि पर चलते हुऐ कठू मर की ीिमा-ीिमा पर चलते हुऐ मािरी र्रो तक, मािरी वाली र्रो ेिर् फर ाियी ओर र्मुकर पप्चचम दशिा की ओर कठु मर शहर की ओर चलते हुऐ रिकारी स्कू ल को शासमल कर सशव मप्न्रि और वध वाली बंगीची को लेते हुऐ रिकारी | 715 |
| स्कू ल होते हुऐ जोता वाली कु आ को लेते हुऐ राके ष के मकान को शामील कर मुख्यार् कि (ब िस्टेर्ण्) पर राजीव की ुिकान तक।राजीव की ुिकान ेि ाियी ओर र्मुकर उत्तर की ओर चलकर जब्बु मीणा, बनवारी मास्टर के मकानों को शामील करते हुऐ मुख्यर् कि पर प्स्थत बच्छु मीणा के मकान तक का एररया शामील है। | ||
| 17 | मनि शमाड के मकान ेि तरफ पूवड चलकर क्षिणि र्मुकर हुल्याना मुख्य र्रो तक वहां ेि तरफ पूवड र्मुकर सयिाराम के मकानों को प्मिमसलत करते हुये पानी की टंकी तक, वहां ेि तरफ पप्चचम चलकर ग्याीि लालचन् ि व व हररजनों के मकानों को मिमसलत करते हुये भगवत के मकान तक वहां ेि पप्चचम चलकर गोववन्रिाम तक वहां ेि तरफ क्षिणि र्मुकर मनिमोहन शमाड होते हुये मनि शमाड तक | 710 |
| 18 | राजेश वकील के घर ेि तर उत्तर चलकर सशवलाय तक वहां ेि पूवड चलकर नरेश शमाड के मकान तक, वहां ेि उत्तर र्मुकर हंाि के मकान तक, वहां ेि उत्तर चलकर शीशराम के मकान तक वहां ेि तरफ उत्तर चलकर चतर गुजडर तक, वहां ेि तरफ पप्चचम चलकर मिस्त पूवी भाग को शासमल करते हुये भवर जाटव के मकान तक वहां ेि तरफ पूवड चलकर मिस्त पूवी उत्तरी भाग शासमल कर राजस्व ग्राम ािमौली की राजस्व ीिमा को मिमसलत करते हुये सशब्बा पप्र्ण्त तक वहां ेि तरफ पूवड चलकर पोखर प्मिमसलत करते हुये राजेश वकील तक | 703 |
| 19 | नगर र्रो पर तुािरी वाले ववराहे ेि पप्चचम दशिा की ओर ीिधे चलकर नगर र्रो (कच्चा र्रो) ेि बाई ओर र्मुकर ीिधे कठु मबर शहर की ओर चलते हुऐ सशवचरण पप्र्ण्त के मकान को लेते हुऐ ववमल पप्र्ण्त के मकान होते हुऐ ववजेन्द्र भकत के मकान को लेते हुऐ मन्नीराम खाती के मकान होते हुऐ ववमल ैिन के मकान ेि चलकर बनवारी हलवाई के मकान तक। बनवारी के मकान ेि बाई ओर र्मुकर पप्चचम क ओर चलते हुऐ ववमल शमाड (गोपाल खाती के मकान के ािमने मकान को र्छोकर पूरण बंलि के मकान तक, पूरण बंलि के मकान ेिर् फर बाई ओर र्मुकर ीिधे चलते हुऐ वीणा पाणी सशणि ंिस्थान को र्छोकरे अभय कृ चण के मकान को र्छोकर मक्कन द्वाररका के मकान होते हुऐ क ै लाश पटवारी के मकान र्छोकर हिला िािहु के मकानत तक। हिला ि ािहू के मकान ेि बाई ओर र्मुकर उत्तर दशिा की ओर चलते हुऐ किाश चन् िशमाड के मकान को लेते हुऐ खारी कु ई को लेते हुऐ कै लाश मास्टर के मकान को लेते हुऐ ग्यारीि ोिती के मकान को लेते हुये ाियी ओर र्मुकर पूवड की ओर महात्मा गांधी स्कू ल को लेते हुए अटल ेिवा क े न्द्र के पीछे ेि होते हुऐ फू लवारी जाट के मकान के ािमने ेि होते हुऐ रामअवतार के तलाट के ािमने ेि होते हुऐ ीिधे चलते हुऐ तुािरी वाले नतराहे तक का भाग शासमल है। | 683 |
| 20 | नगर की तरफ राजस्व ग्राम कठू मर की ीिमा ेि क्षिणि दषिा की ओर (कठू मर शहर की ओर) ीिधे चलते हुये तुािरी वाला नतराहा ेि बायी ओर र्मुकर पप्चचम की ओर चलकर लूली पोखर रास्ते ेि गोपाल ूिन््या का र्बाा को लेते हुये गोपाल खाती के मकान ेि बायी तरफ र्मुकर ौिलत का मकान लेते हुये हुकम कोली का तलॉट गोपाल कोली का मकान लेते ह ुयेर् कषन कोली के मकान ेि उत्तर की तरफ ेिम का मकान को लेते ह ुये वाप िर्मुकर क्षिणि दषिा की तरफ बल्ेिव पप्ब्लक स्कू ल लेते हुये बायी तरफ र्मुकर गुलाब का नौहरा होते हुये बनवारी का चबूतरा मानर्खेा र्रो ेि मानर्खेा राजस्व ीिमा तक | 710 |