| राजस् थान राजपत्र विशेषांक | RAJASTHAN GAZETTE Extraordinary | |
| साधिकार प्रकाशित | Published by Authority | |
| वैशाख 01, मंगलवार, शाके 1948- अप्रेल 21, 2026 Vaisakha 01, Tuesday, Saka 1948- April 21, 2026 |
भाग 6 (ग)
ग्राम पंचायत संबंधी विज्ञप्तियां आदि।
राज्य निर्वाचन आयोग, राजस्थान
आदेश
जयपरु , फरवरी 11, 2026
संख्या एफ. 1(4)(1)नपा/रानिआ/14/1614 सां.आ. 159/2026 - राजस्थान नगरपालिका (निर्वाचन) नियम, 1994 के नियम 75 के अधीन राज्य निर्वाचन आयोग निर्वाचन संबंधी कागज-पत्रों के निपटाने के संबंध में निदर्शे देता है कि आयोग (cid:217)वारा या किसी सक्षम न्यायालय (cid:217)वारा दिये गये किसी प्रतिकलू निदर्शे के अधीन रहते हये
ु और नीचे पैरा-4 में समाविष्ट अनदेशोंु के अधीन रहते हये
ु निर्वाचन संबंधी कागज-पत्रों को नीचे बताते हये
ु ढंग से निपटाया जा सके गा :-
(1) नियम 75 (क) के अधीन निदर्शे :
(क) मतदान की समाप्ति के पश्चात ् पीठासीन अधिकारियों (cid:217)वारा लौटाये गये और नियम 75 के ख(cid:214)ड (क) में निर्दिष्ट प्रतिपर्ण सहित अप्रयक्तु मतपत्रों के पैकिटों को जो दो तालों (Double lock) वाले स्टील ट्रकों में 6 माह की अवधि तक रखे हये
ु हैं, निर्वाचन की समाप्ति के पश्चात ् कोषागार में रखा जायेगा और तत्पश्चात ् नष्ट कर दिया जायेगा।
(ख) रिटर्निग अधिकारी के पास मतदान के न्द्रों पर उपयोग करने के लिये पीठासीन अधिकारियों को जारी करने के बाद बचे हये
ु अवितरित मतपत्रों का प्रतिपर्ण सहित स्टॉक, मतदान के तरन्तु बाद जिला निर्वाचन अधिकारी को वापिस कर दिया जायेगा और जिला नगरपालिक निर्वाचन अधिकारी इस प्रकार के मतपत्रों को 6 माह तक रखेगा तत्पश्चात ् उसके पर्यवेक्षण के अधीन ऊपर विनिर्दिष्ट रीति से उन्हें नष्ट किया जा सके गा।
2. नियम 75 (ख) के अधीन निदर्शे :
(क) नियम 74 में निर्दिष्ट प्रयक्तु मतपत्रों चाहे वे गिने हये
ु हों, र(cid:217)द हों, विधि मान्य हो या निविदत्त हो, के मोहरबन्द पैकिटों को (उन पैकिटों को छोडकर जिनमें प्रयक्तु मतपत्रों के प्रतिपर्ण रखे हैं), और निर्वाचक नामावली की चिन्हित प्रतियों के पैकिटों, प्ररूप-14क में मतदाताओं के रजिस्टरों से यक्तु पैके ट, निर्वाचकों (cid:217)वारा और उनके हस्ताक्षरों के सत्यापन की घोषणाओं के पैके टों को जिन्हें मोहरबन्द स्टील के ट्रकों में11 राजस्थान राज-पत्र, अप्रेल 21, 2026 भाग 6 (ग) रखकर दो तालों में बन्द करके कोषागार में रखा गया है, निर्वाचन की समाप्ति के पश्चात ् एक वर्ष की अवधि तक रखा जावे और फिर नष्ट कर दिया जावे।
(ख) नियम 74 तथा नियम 75 के ख(cid:214)ड (ख) में निर्दिष्ट प्रयक्तु मतपत्रों के प्रतिपर्णों वाले पैकिटों को निर्वाचन की समाप्ति के पश्चात ् एक वर्ष की अवधि तक रखा जायेगा और उसके बाद, सिवाय उन मामलों के जिनके संबंध में निर्वाचन याचिकायें या निर्वाचन अपीलें, या प्रतिरूपण के लिये अभियोजन विचाराधीन हो, सभी मामलों में आयोग के अनमोदनु पश्चात उन्हें नष्ट कर दिया जायेगा।
(3) नियम 75 (ग) के अधीन निदर्शे :
(क) अनलग्नकु में विनिर्दिष्ट कागज-पत्रों को परिणाम की घोषणा होने की दिनांक से 6 माह बीत जाने पर नष्ट कर दिया जायेगा,
(ख) आक्षेपित मतों की सचीू (प्ररूप-13) और आक्षेप फीस की वसलीू के लिये उपयोग में ली गरइ् रसीद, बकु , निवारक निरोध में रोके गये मतदाताओं को डाक मतपत्रों के प्रेषण रजिस्टर और नाम निदशर्ने पत्रों के प्ररूपों को परिणाम की घोषणा होने की दिनांक से 5 वर्ष व्यतीत होने से पर्व
ू , या उनकी लेखा परीक्षा होने और यदि लेखा परीक्षा की आपत्तियों का यदि कोरइ् हो, निराकरण हो जाने तक, जो भी पहले हो नष्ट नहीं किया जाना चाहिये,
(ग) किसी व्यक्ति को पीठासीन अधिकारी या मतदान अधिकारी नियक्तु किये जाने का प्रत्येक आदेश उस निर्वाचन की समाप्ति से जिससे नियक्तिु सम्बन्धित हो, तीन वर्ष बीतने के पहले नष्ट नहीं किया जाना चाहिये,
(घ) अन्तिम परिणाम-पत्र (प्ररूप-21) और निर्वाचन के परिणाम की घो◌ाषणा (प्ररूप-22) को निर्वाचन के स्थारइ् अभिलेख के रूप में रखा जाना चाहिये,
(ड.) निक्षेपों से संबंधित रजिस्टरों को राजस्व रजिस्टरों को नष्ट किये जाने की रीति के अनसारु ही नष्ट किया जाये, किन्तु किसी भी दशा में इन रजिस्टरों को दस (10◌़) वर्ष से पहले नष्ट नहीं किया जायेगा।
(4) याचिका के अनिर्णित रहने तक कागज-पत्रों को रोके रखना :
जहां कहीं कोरइ् निर्वाचन याचिका सक्षम न्यायालय (cid:217)वारा विचारण के लिये लम्बित पडी है, या निर्वाचन संबंधी कोरइ् अन्य मामला न्यायालय (cid:217)वारा न्याय निर्णयन के लिये लम्बित पडा हो, तो उनसे संबंधित कागजात, जैसा कि उपरोक्त पैरा (1), (2) तथा (3) में बताया गया है, ऐसी याचिका या मामलों के अंतिम निपटान की तारीख से 3 महीनों तक नष्ट नहीं किया जावे।
(5) निर्वाचन संबंधी कागज-पत्रों के निस्तारण की रीति :
भाग 6 (ग) राजस्थान राज-पत्र, अप्रेल 21, 2026 12निर्बन्धित या गोपनीय कागज-पत्रों सहित सभी निर्वाचन कागजातों जैसे प्रयक्तु मतपत्र और उनके प्रतिपर्ण, निर्वाचक नामावलियों की प्रतियों आदि के छोटे-छोटे टकडे
ु कर दिये जावे और उसके पश्चात ् उसकी लग्दीु बना दी जावे जिसे कागज आदि दबाराु बनाने के प्रयोग किये जा सकें । निर्बन्धित श्रेणी के कागजातों के मामलों में इस तरह के टकडे
ु राजपत्रित अधिकारियों की उपस्थिति में किये जावें तथा संबंधित अधिकारी (cid:217)वारा एक प्रमाण-पत्र भी रिकार्ड किया जावे।
इस सम्बंध में आयोग (cid:217)वारा पर्व
ू में जारी पत्रांक 1442 दिनांक 08.05.1996 (सां.आ. 20/95) को अधिक्रमित करते हएु यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होगा।
संलग्न: एक
अनलग्नकु परिणाम की घोषणा के 6 माह पश्चात ् नष्ट कर दिये जान वाले कागज-पत्रों की सचीू
| क्र.सं. | कागज-पत्रों का विवरण | |
| 1. | निर्वाचन का लोक नोटिस। | प्ररूप-2 |
| 2. | नियम-15 के अधीन विधिमान्यत: अभ्यर्थियों की सची। ू | प्ररूप-4 |
| 3. | अभ्यर्थिता वापस लेने की सचना। ू | प्ररूप-5 |
| 4. | निर्वाचन लड़ने वाले उम्मीदवारों की सूची। | प्ररूप-6 |
| 5. | निर्वाचन अभिकर्ता की नियक्ति। ु | प्ररूप-7 |
| 6. | निर्वाचन अभिकर्ता की नियक्ति का प्रतिसंहरण। ु | प्ररूप-8 |
| 7. | मतदान अभिकर्ता की नियक्ति। ु | प्ररूप-9 |
| 8. | मतदान अभिकर्ता की नियक्ति का प्रतिसंहरण। ु | प्ररूप-10 |
| 9. | अंधे और शिथिलांग निर्वाचकों की सची। ू | प्ररूप-12 |
| 10. | निविदत्त मतों की सची। ू | प्ररूप-14 |
| 11. | निर्वाचक नामावली की चिन्हित प्रति से किसी मतदान के न्द्र पर प्रयक्तु भिन्न प्रतियां। | नियम-30(3) |
| 12. | मतदान प्रक्रिया का उल्लंघन किये जाने पर रÙध किये गये मतपत्रों एवं खराब हये और लौटाये गये मतपत्रों के पैकिट। ु | नियम-37(6) और 45(2) |
| 13. | पीठासीन अधिकारी Ùवारा रखी गरइ् टिप्पणियाँ और अभिलेख, मतदान अभिकर्ताओं Ùवारा की गरइ् घोषणायें और कोरइ् अन्य कागज जिन्हें रिट दिया हो। ◌िर्नंग अधिकारी ने माहरबन्द पैकिट में रखने का निदर्शे | |
| 14. | निवारक निरोध के अधीन रखे गये व्यक्तियों के नामों की सची। ू | |
| 15. | निवारक निरोध के अधीन रखे गये व्यक्तियों से डाक-मतपत्र Ùवारा मतदान करने की अनमति के लिये रिट◌िर्नंग अधिकारी Ùवारा प्राप्त किये गये ु आवेदन पत्र। | |
| 16. | निर्वाचन Ôयटी प्रमाण-पत्र के लिए आवेदन एवं निर्वाचक Ôयटी प्रमाण-पत्र। ू ू | प्ररूप-15 |
| प्ररूप-16 | ||
| 17. | गणन अभिकर्ता की नियक्ति एवं कार्यालय प्रतियाँ । ु | प्ररूप-19 |
| 18. | गणन अभिकर्ता की नियक्ति का प्रतिसंहरण। ु | प्ररूप-20 |
| 19. | मतों की पनर्गणना के लिए आवेदन पत्र। ु | नियम-67 |
| 20. | मतपत्र प्रतिपर्ण सहित अप्रयक्तु | |
| 21. | मतों की गणना के समय, स्थान एवं दिनांक आदि की सचना। ू | |
| 22. | रिट◌िर्नंग अधिकारी और उम्मीदवारों व निर्वाचन या गणन अभिकर्ताओं के बीच पत्र व्यवहार। | |
| 23. | प्रतीकों के आवंटन हेतु आवेदन पत्र। | |
| 24. | क्षतिग्रस्त पत्र मद्रायें मद्रायें जो पीठासीन अधिकारियों से ु और अप्रयक्तु ु वापस प्राप्त हुयी है। | |
| 25. | पीठासीन अधिकारी से प्राप्त सामान्य रिर्पोट, डायरियां व ज्ञापन, नोट बकें ु आदि। | |
| 26. | नियम 30 के उप नियम (1) के खÖड (क) और (ख) के अधीन नोटिस। | |
| 27. | ऐसे पैकिट जिनमें मतदान और मतों की गणना के दौरान उम्मीदवारों और अभिकर्ताओं Ùवारा आक्षेप रखे हैं। | |
| 28. | मतों की गणना के पश्चात ्, रिट◌िर्नंग अधिकारी Ùवारा तैयार की गरइ् कार्यवाहियों के मोहर बन्द पैकिट। | |
| 29. | मतों की गणना के लिये चैक मीमों के माहर बन्द पैकिट। | |
| 30. | मतपत्र लेखा। | प्ररूप-17 |
| 31. | निर्वाचन Ôयटी स्टॉफ मतपत्र लेखा। ू | प्ररूप-18 |
| 32. | पेपर सील का अभिलेख। प्रयक्तु | |
| 33. | प्रचार सामग्री जैसे दीवार पर लगाने के पोस्टर, हैÖड-बिल और निर्वाचन के समय उममीदवारों Ùवारा जारी किये गये खले बयान। ु |
आज्ञा से,
राजेश वर्मा,
सचिव,
राज्य निर्वाचन आयोग,
राजस्थान, जयपर।ु