पंजीकरण संख्या- UA/ DO/ DDN / 30 / 2024-2026 क्रम संख्या-24 (ङ)
सरकारी गजट, उत्तराखण्ड
उत्तराखण्ड सरकार द्वारा प्रकाशित
असाधारण
देहरादून , बृहस्पतिवार , 09 अप्रैल, 2026 ई ० चैत्र 19, 1948 शक सम्वत्
उत्तराखण्ड शासन
शहरी विकास अनुभाग -03
संख्या- 982 / IV (3 ) / 2026-11 (3 निर्वा ० ) / 2024 TC- I
देहरादून, 09 अप्रैल , 2026
अधिसूचना
भारत के संविधान के अनुच्छेद 243 (1) में नगर पालिकाओं में स्थानों के आरक्षण के सम्बन्ध में निम्नवत् प्रावधान हैः-
(1 ) प्रत्येक नगरपालिका में अनुसूचित जातियों और अनुसूचित जनजातियों के लिए स्थान आरक्षित रहेंगे और इस प्रकार आरक्षित स्थानों की संख्या का अनुपात, उस नगरपालिका में प्रत्यक्ष निर्वाचन द्वारा भरे जाने वाले स्थानों की कुल संख्या से यथाशक्य वही होगा जो उस नगरपालिका क्षेत्र में अनुसूचित जातियों की या उस नगरपालिका क्षेत्र में अनुसूचित जनजातियों की जनसंख्या का अनुपात उस क्षेत्र की कुल जनसंख्या से है और ऐसे स्थान किसी नगरपालिका में भिन्न-भिन्न निर्वाचन क्षेत्रों को चक्रानुक्रम से आबंटित किए जा सकेंगे ।
(2) खंड (1 ) के अधीन आरक्षित स्थानों की कुल संख्या के कम से कम एक तिहाई स्थान, यथास्थिति, अनुसूचित जातियों या अनुसूचित जनजातियों की स्त्रियों के लिए आरक्षित रहेंगे ।
(3) प्रत्येक नगरपालिका में प्रत्यक्ष निर्वाचन द्वारा भरे जाने वाले स्थानों की कुल संख्या के कम से कम एक तिहाई स्थान (जिनके अंतर्गत अनुसूचित जातियों और अनुसूचित जनजातियों की महिलाओं के लिए आरक्षित स्थानों की संख्या भी है) स्त्रियों के लिए आरक्षित रहेंगे और ऐसे स्थान किसी नगरपालिका के भिन्न- भिन्न निर्वाचन क्षेत्रों को चक्रानुक्रम से आबंटित किये जा सकेंगे ।
(4) नगरपालिकाओं में अध्यक्षों के पद अनुसूचित जातियों, अनुसूचित जनजातियों और महिलाओं के लिए ऐसी रीति से आरक्षित रहेंगे जैसा कि राज्य विधानमंडल विधि द्वारा उपबंधित करे ।
(5) खंड (1 ) और (2 ) के अधीन स्थानों का आरक्षण तथा खंड (4) के अधीन अध्यक्षों के पदों का आरक्षण (महिलाओं के लिए आरक्षण से भिन्न है) अनुच्छेद 334 में विनिर्दिष्ट अवधि की समाप्ति पर प्रभावी नहीं रहेगा ।
2 उत्तराखण्ड असाधारण गजट, 09 अप्रैल , 2026 ई ० (चैत्र 19, 1948 शक सम्वत्)
(6) इस भाग की कोई बात किसी राज्य के विधानमंडल को पिछड़े हुए नागरिकों के किसी वर्ग के पक्ष में किसी नगरपालिका में स्थानों के या नगरपालिकाओं में अध्यक्षों के पद के आरक्षण के लिए कोई उपबंध करने से निवारित नहीं करेगी ।
2- मा० उच्चतम न्यायालय , नई दिल्ली में योजित रिट पिटीशन (सिविल) संख्या-278 / 2022 सुरेश महाजन बनाग मध्यप्रदेश राज्य एवं अन्य में मा ० उच्चतम न्यायालय द्वारा पारित आदेश दिनांक-10.05.2022 के अनुपालन में राज्य के भीतर प्रति स्थानीय निकायों के अन्तर्गत अन्य पिछड़ा वर्ग के पिछड़ेपन की प्रकृति और निहितार्थों की समसामयिक कठोर अनुभवजन्य जांच हेतु श्री बी० एस० वर्मा, सेवानिवृत्त मा० न्यायाधीश, मा० उच्च न्यायालय की अध्यक्षता में गठित एकल सदस्यीय समर्पित आयोग की संस्तुतियों तथा उत्तराखण्ड (उत्तर प्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1916) (अनुकूलन एवं उपान्तरण आदेश , 2002) अनुकूलन एवं उपान्तरण आदेश, 2007 की धारा 9 क की उपधारा (5) सपठित उत्तराखण्ड ( उत्तर प्रदेश नगरपालिका अधिनियम , 1916) (संशोधन) अधिनियम, 2024, भारत के संविधान की संगत धाराओं द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए श्री राज्यपाल , उत्तराखण्ड राज्य की नगरपालिका परिषद्, किच्छा, जिला ऊधमसिंहनगर में सामान्य निर्वाचन-2026 हेतु अध्यक्ष पद का निम्नवत् आरक्षण एवं आबंटन निर्धारित किये जाने की स्वीकृति प्रदान करते हैं:--
नगर पालिका परिषद्, किच्छा, जिला- उधमसिंहनगर में अध्यक्ष पद का आरक्षण एवं आबंटन क्र०सं०
नगर पालिका परिषद् का नाम
अध्यक्ष पद का आवंटन/ आरक्षण 1.
अनारक्षित
नगर पालिका परिषद्, किच्छा
3- उक्त अधिसूचना मा० उच्च न्यायालय , उत्तराखण्ड , नैनीताल में योजित रिट याचिका संख्या-1327 / 2025 (एम० एस ०) मौ ० रफीक बनाम उत्तराखण्ड राज्य, रिट याचिका संख्या-176 / 2024 (पी०आई० एल ०) मौ० यासीन बनाम उत्तराखण्ड राज्य एवं रिट याचिका संख्या-20 / 2025 (एम ० बी ०) नैमुलशन खान बनाम उत्तराखण्ड राज्य व अन्य में मा ० उच्च न्यायालय द्वारा पारित अन्तिम निर्णय के अधीन रहेगी ।
आज्ञा से ,
प्रदीप कुमार शुक्ल, उप सचिव ।
पी ० एस ० यू० ( आर० ई ० ) 04 / आ० श ० वि० / 109-2026-100 + 100 प्रतियां (कम्प्यूटर / रीजियो ) ।