पंजीकरण संख्या- UA/ DO/ DDN/30/2024-2026
सरकारी गजट, उत्तराखण्ड
उत्तराखण्ड सरकार द्वारा प्रकाशित
रुड़की
खण्ड
-25] रुड़की, शनिवार, दिनांक 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्) ( संख्या-43
विषय-सूची
प्रत्येक भाग के पृष्ठ अलग -अलग दिये गए हैं , जिससे उनके अलग- अलग खण्ड बन सकें
विषय
पृष्ठ संख्या
वार्षिक चन्दा
रु० सम्पूर्ण गजट का मूल्य
3075
825-846
1500 भाग 1 - विज्ञप्ति- अवकाश, नियुक्ति, स्थान-नियुक्ति, स्थानान्तरण , अधिकार और दूसरे वैयक्तिक नोटिस
भाग 1 -क- नियम , कार्य -विधियां , आज्ञाएं , विज्ञप्तियां इत्यादि जिनको उत्तराखण्ड के राज्यपाल महोदय , विभिन्न विभागों के अध्यक्ष तथा राजस्व परिषद् ने जारी किया
1173-1182
1500
भाग 2-आज्ञाएं , विज्ञप्तियां , नियम और नियम विधान , जिनको केन्द्रीय सरकार और अन्य राज्यों की सरकारों ने जारी किया , हाई कोर्ट की विज्ञप्तियां , भारत सरकार के गजट और दूसरे राज्यों के गजटों के उद्धरण
975
975 भाग 3- स्वायत्त शासन विभाग का क्रोड़ - पत्र, नगर प्रशासन, नोटीफाइड एरिया, टाउन एरिया एवं निर्वाचन (स्थानीय निकाय) तथा पंचायतीराज आदि के निदेश जिन्हें विभिन्न आयुक्तों अथवा जिलाधिकारियों ने जारी किया
07-08
भाग 4- निदेशक, शिक्षा विभाग , उत्तराखण्ड
975
भाग 5- एकाउन्टेन्ट जनरल , उत्तराखण्ड
975
975 भाग 6-बिल, जो. भारतीय संसद में प्रस्तुत किए गए या प्रस्तुत किए जाने से पहले प्रकाशित किए गए तथा सिलेक्ट कमेटियों की रिपोर्ट
भाग 7- इलेक्शन कमीशन ऑफ इण्डिया की अनुविहित तथा अन्य pale 8301 निर्वाचन सम्बन्धी विज्ञप्तियां
975
47-49
भाग 8 - सूचना एवं अन्य वैयक्तिक विज्ञापन आदि
975
359-385
स्टोर्स पर्चेज- स्टोर्स पर्चेज विभाग का क्रोड़- पत्र आदि
1425
825-क 826
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
[भाग 1
भाग 1
विज्ञप्ति-अवकाश , नियुक्ति, स्थान-नियुक्ति, स्थानान्तरण, अधिकार और दूसरे वैयक्तिक नोटिस
न्याय अनुभाग -1
अधिसूचना
नियुक्ति
23 अगस्त, 2024 ई ०
संख्या-11 / नो ० ई ० /XXXVI -A -1 / 2024-07 नो 0 ई0 / 2022 - श्री राज्यपाल, नोटरी अधिनियम, 1952 (अधिनियम संख्या-53 , सन् 1952) की धारा-3 के अधीन शक्ति का प्रयोग करके श्रीमती पवना, अधिवक्ता को दिनांक 23-08-2024 से अग्रेत्तर पांच वर्ष की अवधि के लिये जिला टिहरी गढ़वाल की उप तहसील मदननेगी में नोटरी नियुक्त करते हैं और नोटरीज रूल्स 1956 के नियम-8 के उपनियम (4) के अधीन शक्ति का प्रयोग करके यह भी निदेश देते है कि श्रीमती पवना का नाम उक्त अधिनियम की धारा-4 के अधीन रखे गये नोटरी पंजिका में प्रविष्ट किया जाय ।
In pursuance of the provisions of clause ( 3) of Article 348 of the Constitution , the Governor is pleased to order the publication of following English Translation of Notification No. 11 / No - E /XXXVI - A- 1 / 2024-07 No. - E/2022 Dated- August 23, 2024
NOTIFICATION
Appointment
August 23 , 2024
No.11 /No - E /XXXVI -A- 1 /2024-07 No. - E/2022 --In exercise of the powers conferred by Section 3 of the Notaries Act , 1952 (Act No- 53 of 1952) , the Governor is pleased to appoint Mrs. Pawana , Advocate as Notary for a period of five years with effect from 23-08-2024 for Sub- Tehsil Madannegi of District Tehri Garhwal and in exercise of the powers conferred by sub - rule (4) of rule 8 of Notaries Rules , 1956 also directs that the name of Mrs. Pawana be entered in the register of Notaries maintained under Section 4 of the said Act .
अधिसूचना
नियुक्ति
25 सितम्बर , 2024 ई 0
संख्या-09 / नो ० एल ० / XXXVI -A -1 / 2024-11 नो 0एल0 / 2003 - श्री राज्यपाल, नोटरी अधिनियम, 1952 (अधिनियम संख्या-53 , सन् 1952) की धारा-3 के अधीन शक्ति का प्रयोग करके श्री संकल्प नेगी , अधिवक्ता को दिनांक 25-09-2024 से अग्रेत्तर पांच वर्ष की अवधि के लिये जिला नैनीताल की तहसील हल्द्वानी में नोटरी नियुक्त करते हैं और नोटरीज रूल्स 1956 के नियम-8 के उपनियम (4) के अधीन शक्ति का प्रयोग करके यह भी निदेश देते है कि श्री संकल्प नेगी का नाम उक्त अधिनियम की धारा-4 के अधीन रखे गये नोटरी पंजिका में प्रविष्ट किया जाय ।
In pursuance of the provisions of clause (3 ) of Article 348 of the Constitution , the Governor is pleased to order the publication of following English Translation of Notification No. 09 /No - L/XXXVI - A -1 / 2024-11 No - L /2003 Dated- September 25, 2024
NOTIFICATION
Appointment
September 25 , 2024
No. 09 / No - L/XXXVI - A- 1 /2024-11 No -L/2003 -- In exercise of the powers conferred by Section 3 of the Notaries Act , 1952 (Act No- 53 of 1952 ) , the Governor is pleased to appoint Mr. Sankalp Negi , Advocate as Notary for a period of five years with effect from 25-09-2024 for Tehsil Haldwani , District Nainital and in exercise of the powers conferred by sub - rule (4) of rule 8 of Notaries Rules , 1956 also directs that the name of Mr. Sankalp Negi be entered in the register of Notaries maintained under Section 4 of the said Act .
भाग 1 ]
827 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई ० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
अधिसूचना
नियुक्ति
09 अक्टूबर , 2024 ई०
संख्या-38 / नो ०डी० / XXXVI-A-1 / 2024-04नो0डी0/2003- श्री राज्यपाल , नोटरी अधिनियम, 1952 (अधिनियम संख्या-53 , सन् 1952 ) की धारा-3 के अधीन शक्ति का प्रयोग करके श्री सुभाष चन्द्र रतूड़ी, अधिवक्ता को दिनांक 09-10-2024 से अग्रेत्तर पांच वर्ष की अवधि के लिये तहसील पौड़ी, जिला पौड़ी गढ़वाल में नोटरी नियुक्त करते हैं और नोटरीज रूल्स 1956 के नियम-8 के उपनियम (4) के अधीन शक्ति का प्रयोग करके यह भी निदेश देते है कि श्री सुभाष चन्द्र रतूड़ी का नाम उक्त अधिनियम की धारा -4 के अधीन रखे गये नोटरी पंजिका में प्रविष्ट किया जाय ।
In pursuance of the provisions of clause ( 3 ) of Article 348 of the Constitution , the Governor is pleased to order the publication of following English Translation of Notification No. 38 / No - D /XXXVI -A- 1 / 2024-04 No.D/2003 Dated-October 09 , 2024
NOTIFICATION
Appointment
October 09 , 2024
No. 38 /No - D/XXXVI - A- 1 / 2024-04 No.D/ 2003 -- In exercise of the powers conferred by Section 3 of the Notaries Act , 1952 (Act No- 53 of 1952 ) , the Governor is pleased to appoint Mr. Subhash Chandra Raturi , Advocate as Notary for a period of five years with effect from 09-10-2024 for Tehsil Pauri , District Pauri Garhwal and in exercise of the powers conferred by sub - rule (4) of rule 8 ofNotaries Rules , 1956 also directs that the name of Mr. Subhash Chandra Raturi be entered in the register of Notaries maintained under Section 4 of the said Act.
अधिसूचना
नियुक्ति
09अक्टूबर, 2024 ई ०
संख्या-39 / नो ०डी० /XXXVI -A-1 /2024-16 नो ०डी०/ 2023 - श्री राज्यपाल , नोटरी अधिनियम, 1952 (अधिनियम संख्या-53 , सन् 1952) की धारा-3 के अधीन शक्ति का प्रयोग करके श्रीमती रश्मि कोठारी , अधिवक्ता को दिनांक 09-10-2024 से अग्रेत्तर पांच वर्ष की अवधि के लिये जिला पौड़ी गढ़वाल की तहसील यमकेश्वर में नोटरी नियुक्त करते हैं और नोटरीज रूल्स 1956 के नियम-8 के उपनियम (4) के अधीन शक्ति का प्रयोग करके यह भी निदेश देते है कि श्रीमती रश्मि कोठारी का नाम उक्त अधिनियम की धारा-4 के अधीन रखे गये नोटरी पंजिका में प्रविष्ट किया जाय ।
आज्ञा से , प्रदीप पन्त, प्रमुख सचिव , न्याय एवं विधि परामर्शी ।
In pursuance of the provisions of clause ( 3 ) of Article 348 of the Constitution , the Governor is pleased to order the publication of following English Translation of Notification No. 39 / No - D /XXXVI -A - 1 / 2024-16 No. - D/2023 Dated- October 09 , 2024
NOTIFICATION
Appointment
October 09 , 2024
No. 39 /No - D /XXXVI - A - 1 / 2024-16 No. - D/ 2023 --In exercise of the powers conferred by Section 3 of the Notaries Act, 1952 (Act No- 53 of 1952 ) , the Governor is pleased to appoint Mrs. Rashmi Kothari , Advocate as Notary for a period of five years with effect from 09-10-2024 for Tahsil Yamkeshwar of District Pauri Garhwal and in exercise of the powers conferred by sub - rule (4) of rule 8 of Notaries Rules , 1956 also directs that the name of Mrs. Rashmi Kothari be entered in the register of Notaries maintained under Section 4 of the said Act.
By Order, PRADEEP PANT, Principal Secretary, Law- cum- L.R .
828
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
[भाग 1
खाद्य , नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले अनुभाग -01
विज्ञप्ति/नियुक्ति
14 अक्टूबर , 2024 ई०
संख्या-635 /XIX-1 /24-22 खाद्य / 2024- उत्तराखण्ड सम्मिलित राज्य सिविल / प्रवर अधीनस्थ सेवा परीक्षा-2021 के आधार पर उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग , हरिद्वार द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत अभ्यर्थी श्री अंकित पाण्डेय पुत्र श्री उमाकांत पाण्डेय को उत्तराखण्ड खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के अन्तर्गत जिला पूर्ति अधिकारी , वेतन बैण्ड-03 , वेतनमान रू 15600-39100 ग्रेड वेतन-5400 (7 वें वेतन आयोग में पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल-10 में रू 56100-177500 /-) के पद पर पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र , देहरादून में प्रस्तावित " आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम" में योगदान आख्या प्रस्तुत करने की तिथि से, आगामी प्रस्तरों में उल्लिखित शर्तों/प्रतिबन्धों के अधीन अस्थायी/ औपबन्धिक रूप से नियुक्ति प्रदान करते हुए 02 वर्ष की अवधि हेतु परिवीक्षाधीन रखे जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं ।
2- श्री अंकित पाण्डेय , पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र, देहरादून में दिनांक 18 नवम्बर, 2024 से प्रारम्भ होने वाले "आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम " में योगदान आख्या प्रस्तुत करेंगे ।
3- यह नियुक्ति पूर्णतः अस्थायी एवं औपबन्धिक है तथा यदि अभ्यर्थी के स्वास्थ्य परीक्षण , चरित्र एवं पूर्ववृत्त के सत्यापन, शैक्षिक अर्हता अथवा आरक्षण श्रेणी सम्बन्धी प्रमाण-पत्रों आदि के सत्यापन में कोई प्रतिकूल तथ्य प्रकाश में आता है तो उक्त नियुक्ति को स्वतः ही समाप्त समझा जायेगा ।
4- एतद्वारा नियुक्त अभ्यर्थी की सेवाएं उत्तराखण्ड खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग (आपूर्ति शाखा) समूह " क" एवं "ख" सेवा नियमावली, 2017 तथा राजकीय सेवकों की सेवा शर्तों के सम्बन्ध में सामान्य रूप से लागू व सरकार द्वारा समय- समय पर प्रख्यापित किये जाने वाले अन्य संगत विनियमों/ आदेशों में विहित प्राविधानों के अधीन रहेंगी ।
5- अभ्यर्थी के स्वास्थ्य परीक्षण की कार्यवाही पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र, देहरादून में महानिदेशक, चिकित्सा, स्वास्थ्य तथा परिवार कल्याण विभाग द्वारा की जाएगी । अभ्यर्थी के चरित्र एवं पूर्ववृत्त के सत्यापन की कार्यवाही नियुक्ति आदेश निर्गत होने के 06 माह की अवधि के अन्तर्गत सम्पन्न कर ली जाएगी ।
6- इस नियुक्ति के क्रम में अभ्यर्थी को सम्बन्धित प्रशिक्षण संस्थान में उपस्थित होने हेतु किसी भी प्रकार का यात्रा व्यय अथवा अन्य भत्ते अनुमन्य नहीं होंगे ।
7- सम्बन्धित प्रशिक्षण संस्थान में योगदान प्रस्तुत करते समय अभ्यर्थी द्वारा निम्न प्रमाण- पत्र / घोषणा-पत्र प्रस्तुत किये जाने होंगे:-
1. शैक्षिक योग्यता , आयु तथा आरक्षित श्रेणी सम्बन्धी मूल प्रमाण-पत्र, उनकी एक- एक प्रमाणित छायाप्रतियों के साथ ।
2. अभ्यर्थी द्वारा केन्द्र अथवा राज्य सरकार के अधीन अब तक की गयी सेवा (यदि कोई हो ) से सम्बन्धित घोषणा व सम्बन्धित विभाग / प्रतिष्ठान द्वारा जारी अनामन्ति प्रमाण-पत्र ।
elper 3. दो ऐसे राजपत्रित अधिकारियों द्वारा प्रदत्त चरित्र प्रमाण- पत्र जो सेवारत हों तथा अभ्यर्थी के संबंधी/ रिश्तेदार न हों ।
4. अभ्यर्थी द्वारा धारित चल एवं अचल सम्पत्ति का घोषणा-पत्र ।
5. इस आशय की घोषणा कि यदि अभ्यर्थी के चरित्र एवं पूर्ववृत्त का सत्यापन, शैक्षिक अर्हता अथवा आरक्षण श्रेणी सम्बन्धी प्रमाण- पत्रों आदि के सत्यापन पर उसके सम्बन्ध में कोई प्रतिकूल तथ्य प्रकाश में आता है तो इस नियुक्ति को स्वतः ही समाप्त समझा जाएगा ।
भाग 1 ]
829 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
6. अभ्यर्थी के विवाहित होने की दशा में एक से अधिक जीवित पति / पत्नी न होने के सम्बन्ध में घोषणा ।
8- यह नियुक्ति मा० मा० उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय, नैनीताल में योजित रिट याचिका संख्या 202 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 219 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 317 (एस/ बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 289 (एस/ बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 301 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 1058 (एस/ बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 399 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 583 (एस/ बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 550 (एस / बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 644 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 414 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 300 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 53 (एस / बी) ऑफ 2023, रिट याचिका संख्या 72 (एस/ बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 74 (एस / बी) ऑफ 2023, रिट याचिका संख्या 245 (एस / बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 155 (एस / बी) ऑफ 2024 तथा रिट याचिका संख्या 466 (एस / बी) ऑफ 2024 में पारित होने वाले अंतिम निर्णय के अधीन रहेगी ।
9- सम्बन्धित अभ्यर्थी से अपेक्षा की जाती है कि वे उपरोक्त शर्तों के अधीन जिला पूर्ति अधिकारी के पद पर सम्बन्धित प्रशिक्षण संस्थान में प्रस्तावित "आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम" में अपनी योगदान आख्या प्रस्तुत करेंगे । यदि उपरोक्तानुसार योगदान आख्या प्रस्तुत करने में असमर्थ 'रहते हैं तो यह समझा जायेगा कि अभ्यर्थी उक्त पद पर नियुक्ति हेतु इच्छुक नहीं हैं । तद्नुसार उनके अभ्यर्थन को निरस्त करने की कार्यवाही की जायेगी ।
विज्ञप्ति/नियुक्ति
14 अक्टूबर , 2024 ई ०
संख्या-636 / XIX -1 / 24-22 खाद्य / 2024 - उत्तराख / 2024- उत्तराखण्ड सम्मिलित राज्य सिविल/ प्रवर अधीनस्थ सेवा परीक्षा-2021 के आधार पर उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग , हरिद्वार द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत अभ्यर्थी सुश्री प्रियंका भट्ट पुत्री श्री मनोज भट्ट को उत्तराखण्ड खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के अन्तर्गत जिला पूर्ति अधिकारी , वेतन बैण्ड-03 , वेतनमान रू 15600-39100 ग्रेड वेतन-5400 (7 वें वेतन आयोग में पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल-10 में रू 56100-177500 /-) के पद पर पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र, देहरादून में प्रस्तावित "आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम " में योगदान आख्या प्रस्तुत करने की तिथि से, आगामी प्रस्तरों में उल्लिखित शर्तों/प्रतिबन्धों के अधीन अस्थायी/औपबन्धिक रूप से नियुक्ति प्रदान करते हुए 02 वर्ष की अवधि हेतु परिवीक्षाधीन रखे जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं ।
2- सुश्री प्रियंका भट्ट, पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र, देहरादून में दिनांक 18 नवम्बर, 2024 से प्रारम्भ होने वाले " आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम" में योगदान आख्या प्रस्तुत करेंगे ।
3- यह नियुक्ति पूर्णतः अस्थायी एवं औपबन्धिक है तथा यदि अभ्यर्थी के स्वास्थ्य परीक्षण , चरित्र एवं पूर्ववृत्त के सत्यापन, शैक्षिक अर्हता अथवा आरक्षण श्रेणी सम्बन्धी प्रमाण-पत्रों आदि के सत्यापन में कोई प्रतिकूल तथ्य प्रकाश में आता है तो उक्त नियुक्ति को स्वतः ही समाप्त समझा जायेगा ।
4- एतद्वारा नियुक्त अभ्यर्थी की सेवाएं उत्तराखण्ड खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग (आपूर्ति शाखा) समूह " क" एवं "ख" सेवा नियमावली, 2017 तथा राजकीय सेवकों की सेवा शतों के सम्बन्ध में सामान्य रूप से लागू व सरकार द्वारा समय- समय पर प्रख्यापित किये जाने वाले अन्य संगत विनियमों / आदेशों में विहित प्राविधानों के अधीन रहेंगी ।
830
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
[भाग 1
5- अभ्यर्थी के स्वास्थ्य परीक्षण की कार्यवाही पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र, देहरादून में महानिदेशक, चिकित्सा , स्वास्थ्य तथा परिवार कल्याण विभाग द्वारा की जाएगी । अभ्यर्थी के चरित्र एवं पूर्ववृत्त के सत्यापन की कार्यवाही नियुक्ति आदेश निर्गत होने के 06 माह की अवधि के अन्तर्गत सम्पन्न कर ली जाएगी ।
6- इस नियुक्ति के क्रम में अभ्यर्थी को सम्बन्धित प्रशिक्षण संस्थान में उपस्थित होने हेतु किसी भी प्रकार का यात्रा व्यय अथवा अन्य भत्ते अनुमन्य नहीं होंगे ।
7- सम्बन्धित प्रशिक्षण संस्थान में योगदान प्रस्तुत करते समय अभ्यर्थी द्वारा निम्न प्रमाण - पत्र / घोषणा- पत्र प्रस्तुत किये जाने होंगे:-
1. शैक्षिक योग्यता, आयु तथा आरक्षित श्रेणी सम्बन्धी मूल प्रमाण-पत्र, उनकी एक- एक प्रमाणित छायाप्रतियों के साथ ।
2. अभ्यर्थी द्वारा केन्द्र अथवा राज्य सरकार के अधीन अब तक की गयी सेवा (यदि कोई हो ) से सम्बन्धित घोषणा व सम्बन्धित विभाग / प्रतिष्ठान द्वारा जारी अनापत्ति प्रमाण- पत्र ।
3. दो ऐसे राजपत्रित अधिकारियों द्वारा प्रदत्त चरित्र प्रमाण - पत्र जो सेवारत हों तथा अभ्यर्थी के
संबंधी/रिश्तेदार न हों ।
4. अभ्यर्थी द्वारा धारित चल एवं अचल सम्पत्ति का घोषणा-पत्र ।
5. इस आशय की घोषणा कि यदि अभ्यर्थी के चरित्र एवं पूर्ववृत्त का सत्यापन, शैक्षिक अर्हता अथवा आरक्षण श्रेणी सम्बन्धी प्रमाण-पत्रों आदि के सत्यापन पर उसके सम्बन्ध में कोई प्रतिकूल तथ्य प्रकाश में आता है तो इस नियुक्ति को स्वतः ही समाप्त समझा जाएगा ।
6. अभ्यर्थी के विवाहित होने की दशा में एक से अधिक जीवित पति/ पत्नी न होने के सम्बन्ध में घोषणा ।
8- यह नियुक्ति मा० मा ० उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय , नैनीताल में योजित रिट याचिका संख्या 202 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 219 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 317 (एस/ बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 289 (एस/ बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 301 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 1058 (एस/ बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 399 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 583 (एस/ बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 550 (एस / बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 644 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 414 (एस/ बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 300 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 53 (एस/ बी) ऑफ 2023, रिट याचिका संख्या 72 (एस / बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 74 (एस / बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 245 (एस/ बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 155 (एस/ बी) ऑफ 2024 तथा रिट याचिका संख्या 466 (एस/ बी) ऑफ 2024 में पारित होने वाले अंतिम निर्णय के अधीन रहेगी ।
9- सम्बन्धित अभ्यर्थी से अपेक्षा की जाती है कि वे उपरोक्त शर्तों के अधीन जिला पूर्ति अधिकारी के पद पर सम्बन्धित् प्रशिक्षण संस्थान में प्रस्तावित "आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम " में अपनी योगदान आख्या प्रस्तुत करेंगें । यदि उपरोक्तानुसार योगदान आख्या प्रस्तुत करने में असमर्थ रहते हैं तो यह समझा जायेगा कि अभ्यर्थी उक्त पद पर नियुक्ति हेतु इच्छुक नहीं हैं । तद्नुसार उनके अभ्यर्थन को निरस्त करने की कार्यवाही की जायेगी ।
भाग 1 ]
831 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
विज्ञप्ति/ नियुक्ति
14 अक्टूबर , 2024 ई०
संख्या-637 / XIX- 1 / 24-22 खाद्य / 2024 - उत्तराखण्ड सम्मिलित राज्य सिविल / प्रवर अधीनस्थ सेवा परीक्षा-2021 के आधार पर उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग , हरिद्वार द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत अभ्यर्थी श्री विनय कुमार पुत्र श्री कृष्ण राम को उत्तराखण्ड खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के अन्तर्गत जिला पूर्ति अधिकारी , वेतन बैण्ड-03 , वेतनमान रु 15600-39100 ग्रेड वेतन-5400 (7वें वेतन आयोग में पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल-10 में रू 56100-177500 /-) के पद पर पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र , देहरादून में प्रस्तावित " आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम " में योगदान आख्या प्रस्तुत करने की तिथि से, आगामी प्रस्तरों में उल्लिखित शर्तों / प्रतिबन्धों के अधीन अस्थायी /औपबन्धिक रूप से नियुक्ति प्रदान करते हुए 02 वर्ष की अवधि हेतु परिवीक्षाधीन रखे जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं ।
2 श्री विनय कुमार, पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र, देहरादून में दिनांक 18 नवम्बर, 2024 से प्रारम्भ होने वाले "आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम " में योगदान आख्या प्रस्तुत करेंगे ।
3- यह नियुक्ति पूर्णतः अस्थायी एवं औपबन्धिक है तथा यदि अभ्यर्थी के स्वास्थ्य परीक्षण , चरित्र एव पूर्ववृत्त के सत्यापन , शैक्षिक अर्हता अथवा आरक्षण श्रेणी सम्बन्धी प्रमाण- पत्रों आदि के सत्यापन में कोई प्रतिकूल तथ्य प्रकाश में आता है तो उक्त नियुक्ति को स्वतः ही समाप्त समझा जायेगा ।
4- एतद्द्वारा नियुक्त अभ्यर्थी की सेवाएं उत्तराखण्ड खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग (आपूर्ति शाखा) समूह " क" एवं " ख " सेवा नियमावली, 2017 तथा राजकीय सेवकों की सेवा शर्तों के सम्बन्ध में सामान्य रूप से लागू 'व सरकार द्वारा समय- समय पर प्रख्यापित किये जाने वाले अन्य संगत विनियमों / आदेशों में विहित प्राविधानों के अधीन रहेंगी ।
5- अभ्यर्थी के स्वास्थ्य परीक्षण की कार्यवाही पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र, देहरादून में महानिदेशक, चिकित्सा, स्वास्थ्य तथा परिवार कल्याण विभाग द्वारा की जाएगी । अभ्यर्थी के चरित्र एवं पूर्ववृत्त के सत्यापन की कार्यवाही नियुक्ति आदेश निर्गत होने के 06 माह की अवधि के अन्तर्गत सम्पन्न कर ली जाएगी ।
6- इस नियुक्ति के क्रम में अभ्यर्थी को सम्बन्धित प्रशिक्षण संस्थान में उपस्थित होने हेतु किसी भी प्रकार का यात्रा व्यय अथवा अन्य भत्ते अनुमन्य नहीं होंगे ।
7- सम्बन्धित प्रशिक्षण संस्थान में योगदान प्रस्तुत करते समय अभ्यर्थी द्वारा निम्न प्रमाण-पत्र/घोषणा-पत्र प्रस्तुत किये जाने होंगे:-
1. शैक्षिक योग्यता, आयु तथा आरक्षित श्रेणी सम्बन्धी मूल प्रमाण-पत्र, उनकी एक- एक प्रमाणित छायाप्रतियों के साथ ।
2. अभ्यर्थी द्वारा केन्द्र अथवा राज्य सरकार के अधीन अब तक की गयी सेवा (यदि कोई हो ) से सम्बन्धित घोषणा व सम्बन्धित विभाग / प्रतिष्ठान द्वारा जारी अनापत्ति प्रमाण-पत्र ।
3. दो ऐसे राजपत्रित अधिकारियों द्वारा प्रदत्त चरित्र प्रमाण-पत्र जो सेवारत हों तथा अभ्यर्थी के संबंधी/ रिश्तेदार न हों ।
4. अभ्यर्थी द्वारा धारित चल एवं अचल सम्पत्ति का घोषणा- पत्र ।
5. इस आशय की घोषणा कि यदि अभ्यर्थी के चरित्र एवं पूर्ववृत्त का सत्यापन, शैक्षिक अर्हता अथवा आरक्षण श्रेणी सम्बन्धी प्रमाण- पत्रों आदि के सत्यापन पर उसके सम्बन्ध में कोई प्रतिकूल तथ्य प्रकाश में आता है तो इस नियुक्ति को स्वतः ही समाप्त समझा जाएगा ।
6. अभ्यर्थी के विवाहित होने की दशा में एक से अधिक जीवित पति/ पत्नी न होने के सम्बन्ध में घोषणा ।
832
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
[भाग 1 8- यह नियुक्ति मा० मा० उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय, नैनीताल में योजित रिट याचिका संख्या 202 (एस/ बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 219 (एस/ बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 317 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 289 (एस/ बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 301 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 1058 (एस/ बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 399 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 583 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 550 ( एस/ बी) ऑफ 2023, रिट याचिका संख्या 644 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 414 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 300 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 53 (एस/ बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 72 (एस/ बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 74 (एस / बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 245 (एस/ बी) ऑफ 2023, रिट याचिका संख्या 155 (एस/ बी) ऑफ 2024 तथा रिट याचिका संख्या 466 (एस / बी) ऑफ 2024 में पारित होने वाले अंतिम निर्णय के अधीन रहेगी ।
9- सम्बन्धित अभ्यर्थी से अपेक्षा की जाती है कि वे उपरोक्त शर्तों के अधीन जिला पूर्ति अधिकारी के पद पर सम्बन्धित प्रशिक्षण संस्थान में प्रस्तावित "आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम" में अपनी योगदान आख्या प्रस्तुत करेंगे । यदि उपरोक्तानुसार योगदान आख्या प्रस्तुत करने में असमर्थ रहते हैं तो यह समझा जायेगा कि अभ्यर्थी उक्त पद पर नियुक्ति हेतु इच्छुक नहीं हैं । तद्नुसार उनके अभ्यर्थन को निरस्त करने की कार्यवाही की जायेगी ।
विज्ञप्ति/नियुक्ति
14 अक्टूबर , 2024 ई ०
संख्या-638 / XIX -1 / 24-22 खाद्य / 2024- उत्तराखण्ड सम्मिलित राज्य सिविल / प्रवर अधीनस्थ सेवा परीक्षा-2021 के आधार पर उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग , हरिद्वार द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत अभ्यर्थी श्री आशीष कुमार पुत्र श्री वीरेन्द्र लाल को उत्तराखण्ड खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के अन्तर्गत जिला पूर्ति अधिकारी, वेतन बैण्ड-03 , वेतनमान रू 15600-39100 ग्रेड वेतन-5400 (7वें वेतन आयोग में पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल-10 में रू 56100-177500 /-) के पद पर पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र, देहरादून में प्रस्तावित " आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम" में योगदान आख्या प्रस्तुत करने की तिथि से, आगामी प्रस्तरों में उल्लिखित शर्तों / प्रतिबन्धों के अधीन अस्थायी / औपबन्धिक रूप से नियुक्ति प्रदान करते हुए 02 वर्ष की अवधि हेतु परिवीक्षाधीन रखे जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं ।
2- श्री आशीष कुमार, पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र, देहरादून में दिनांक 18 नवम्बर , 2024 से प्रारम्भ होने वाले " आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम " में योगदान आख्या प्रस्तुत करेंगे ।
3- यह नियुक्ति पूर्णतः अस्थायी एवं औपबन्धिक है तथा यदि अभ्यर्थी के स्वास्थ्य परीक्षण , चरित्र एवं पूर्ववृत्त के सत्यापन, शैक्षिक अर्हता अथवा आरक्षण श्रेणी सम्बन्धी प्रमाण- पत्रों आदि के सत्यापन में कोई प्रतिकूल तथ्य प्रकाश में आता है तो उक्त नियुक्ति को स्वतः ही समाप्त समझा जायेंगा ।
4- एतद्वारा नियुक्त अभ्यर्थी की सेवाएं उत्तराखण्ड खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग (आपूर्ति शाखा) समूह "क" एवं "ख" सेवा नियमावली, 2017 तथा राजकीय सेवकों की सेवा शर्तों के सम्बन्ध में सामान्य रूप से लागू व सरकार द्वारा समय- समय पर प्रख्यापित किये जाने वाले अन्य संगत विनियमों/ आदेशों में विहित प्राविधानों के अधीन रहेंगी ।
5- अभ्यर्थी के स्वास्थ्य परीक्षण की कार्यवाही पंडित दीनदयाल उपाध्याय वित्तीय प्रशासन प्रशिक्षण एवं अनुसंधान केंद्र, देहरादून में महानिदेशक, चिकित्सा, स्वास्थ्य तथा परिवार कल्याण विभाग द्वारा की जाएगी । अभ्यर्थी के चरित्र एवं पूर्ववृत्त के सत्यापन की कार्यवाही नियुक्ति आदेश निर्गत होने के 06 माह की अवधि के अन्तर्गत सम्पन्न कर ली जाएगी ।
भाग 1]
833 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० ( कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
6- इस नियुक्ति के क्रम में अभ्यर्थी को सम्बन्धित प्रशिक्षण संस्थान में उपस्थित होने हेतु किसी भी प्रकार का यात्रा व्यय अथवा अन्य भत्ते अनुमन्य नहीं होंगे ।
सम्बन्धित प्रशिक्षण संस्थान में योगदान प्रस्तुत करते समय अभ्यर्थी द्वारा निम्न प्रमाण- पत्र/घोषणा-पत्र प्रस्तुत किये जाने होंगे:- 7-
1. शैक्षिक योग्यता , आयु तथा आरक्षित श्रेणी सम्बन्धी मूल प्रमाण-पत्र , उनकी एक- एक प्रमाणित छायाप्रतियों के साथ ।
2. अभ्यर्थी द्वारा केन्द्र अथवा राज्य सरकार के अधीन अब तक की गयी सेवा (यदि कोई हो) से सम्बन्धित घोषणा व सम्बन्धित विभाग / प्रतिष्ठान द्वारा जारी अनापत्ति प्रमाण- पत्र ।
3. दो ऐसे राजपत्रित अधिकारियों द्वारा प्रदत्त चरित्र प्रमाण- पत्र जो सेवारत हों तथा अभ्यर्थी के संबंधी/रिश्तेदार न हों ।
4. अभ्यर्थी द्वारा धारित चल एवं अचल सम्पत्ति का घोषणा-पत्र ।
5. इस आशय की घोषणा कि यदि अभ्यर्थी के चरित्र एवं पूर्ववृत्त का सत्यापन , शैक्षिक अर्हता अथवा आरक्षण श्रेणी सम्बन्धी प्रमाण- पत्रों आदि के सत्यापन पर उसके सम्बन्ध में कोई प्रतिकूल तथ्य प्रकाश में आता है तो इस नियुक्ति को स्वतः हीं समाप्त समझा जाएगा ।
6. अभ्यर्थी के विवाहित होने की दशा में एक से अधिक जीवित पति/ पत्नी न होने के सम्बन्ध में घोषणा ।
8-
याचिका यह नियुक्ति मा ० मा० उत्तराखण्ड उच्च न्यायालय , नैनीताल में योजित रिट
रिट
संख्या 202 (एस/ बी) ऑफ 2022 , स्टि याचिका संख्या 219 (एस/ बी) ऑफ 2022 , याचिका
( एस / बी) ऑफ
संख्या 317
2022 , रिट याचिका संख्या 289 (एस/ बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका
संख्या 301 (एस / बी) ऑफ 2022 ,
रिट
रिट याचिका संख्या 1058 (एस/ बी) ऑफ 2022, याचिका
संख्या 399 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 583 (एस/ बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका
(एस / बी)
संख्या 550
ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 644
रिट
(एस/ बी) ऑफ 2022, याचिका
संख्या 414 (एस / बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या
रिट
300 (एस /बी) ऑफ 2022, याचिका
(एस / बी)
संख्या 53
ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 72 (एस / बी)
रिट
ऑफ 2023 , याचिका
संख्या 74 ( एस / बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 245 (एस/बी) ऑफ. 2023 , रिट याचिका
संख्या 155 ( एस / बी) ऑफ 2024 तथा रिट याचिका संख्या 466 (एस / बी) ऑफ 2024 में पारित
होने वाले अंतिम निर्णय के अधीन रहेगी ।
9- सम्बन्धित अभ्यर्थी से अपेक्षा की जाती है कि वे उपरोक्त शर्तों के अधीन जिला पूर्ति अधिकारी के पद पर सम्बन्धित प्रशिक्षण संस्थान में प्रस्तावित " आधारभूत प्रशिक्षण कार्यक्रम" में अपनी योगदान आख्या प्रस्तुत करेंगे । यदि उपरोक्तानुसार योगदान आख्या प्रस्तुत करने में असमर्थ रहते हैं तो यह समझा जायेगा कि अभ्यर्थी उक्त पद पर नियुक्ति हेतु इच्छुक नहीं हैं । तद्नुसार उनके अभ्यर्थन को निरस्त करने की कार्यवाही की जायेगी ।
आज्ञा से , एल० फैनई, प्रमुख सचिव ।
834
[भाग 1 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
सिंचाई अनुभाग एवं बाढ़ नियंत्रण अनुभाग-2
अधिसूचना
ई० पत्रावली संख्या-76975
07 अक्टूबर , 2024 ई ०
संख्या-941 / II (2 ) / 2024-6 (40) /2024 -चूंकि राज्य सरकार जनपद देहरादून के सदर तहसील के अन्तर्गत रिस्पना नदी के तटों पर शिखर फाल से मोथरोवाला संगम तक बाढ़ मैदान परिक्षेत्रण की अधिसूचना अनुसूची एक और दो में उल्लिखित बाढ़ मैदान क्षेत्र को चिन्हित कर भूमि के उपयोग हेतु प्रतिषिद्ध या निर्बन्धित करने की घोषणा का आशय रखती है ;
और चूंकि राज्य सरकार को ऐसे क्षेत्रों को बाढ़ परिक्षेत्रण प्राधिकारी की रिपोर्ट के आधार पर या अन्यथा बाढ़ मैदान क्षेत्रों को चिन्हित कर उनमें भूमि के उपयोग को प्रतिषिद्ध या निर्बन्धित करने के आशय की घोषणा अधिसूचना द्वारा कर सकने की शक्ति है;
अतएव, अब , राज्यपाल उत्तराखण्ड बाढ़ मैदान परिक्षेत्रण अधिनियम , 2012 की धारा 8 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करके इस अधिसूचना के संलग्नक अनुसूची एक और दो में उल्लिखित बाढ़ मैदान क्षेत्र को चिन्हित कर, भूमि के उपयोग हेतु प्रतिषिद्ध या निर्बन्धित क्षेत्रों को भूमि के उपयोग हेतु प्रतिषिद्ध या निर्बन्धित करने की घोषणा सहित इन क्षेत्रों में निम्नलिखित कार्य सम्पादित किए जा सकने की सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते है: -
क्र.सं. क्षेत्र
अनुमन्य कार्यों का विवरण
1 प्रतिषिद्ध तटबन्ध/ बाढ़ प्रबन्धन, खनन, वृक्षारोपण , कृषि, स्नान घाट निर्माण , क्षेत्र नदी तटीय विकास, सिंचाई, पेयजल योजना , जलक्रीड़ा, जल परिवहन , सेतु, एलिवेटेड रोड कॉरिडोर के लिए नींव एवं उपसंरचना आदि से सम्बन्धित निर्माण/ गतिविधियां ।
" परन्तु राज्य सरकार अधिनियम की मूल भावना का अनुपालन करते हुए, कि नदी की धारा / प्रवाह में किसी प्रकार का व्यवधान उत्पन्न न हो , जनहित में , प्रकरण विशेष में, उपरोक्त उल्लिखित कार्य के साथ- साथ समान प्रकृति के अतिरिक्त अन्य कार्यों को भी करने की अनुमति राजपत्र में अधिसूचना के द्वारा प्रदान कर सकेगी । " भाग 1 ]
835 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
2 निर्बन्धित
क्षेत्र
पार्क, खेल का मैदान, मत्स्य पालन, कृषि आंदि के सम्बन्ध में निर्माण / गतिविधियाँ और समय- समय पर होने वाले धार्मिक मेलों हेतु अस्थाई / स्थाई निर्माण इस प्रतिबन्ध के साथ अनुमन्य होंगे कि उक्त गतिविधियों द्वारा उत्सर्जित होने वाला जल - मल व ठोस अपशिष्ट का पूर्णतः समुचित प्रबन्धन सुनिश्चित करते हुये उक्त का अनापत्ति प्रमाण पत्र / परीक्षण उत्तराखंड पेयजल निगम से कराया जायेगा, इस क्षेत्र में पूर्व से विद्यमान निर्माण , जो जीर्ण- शीर्ण अवस्था में हैं , की विद्यमान भू- आच्छादन 35 प्रतिशत , तल क्षेत्र अनुपात 1: 5 व भवन की अधिकतम ऊंचाई 7.50 मी० अथवा दो मंजिल की सीमा तक पुनर्निर्माण इस प्रतिबन्ध के साथ अनुमन्य होगा कि क्षेत्र में सीवरेज व्यवस्था उपलब्ध हो । निर्माण अनुमन्य होने की स्थिति में उच्च बाढ़ तल (High Flood Level ) से भवन का न्यूनतम प्लिंथ लेवल (Plinth Level ) 1.00 मीटर होगा एवं क्षेत्र की सीवरेज व्यवस्था का समुचित प्रबन्धन सुनिश्चित करने के साथ- साथ उत्तराखंड पेयजल निगम से परीक्षण / अनापत्ति प्रमाण पत्र लिया जाना आवश्यक होगा ।
"परन्तु राज्य सरकार अधिनियम की मूल भावना का अनुपालन करते हुए, कि नदी की धारा / प्रवाह में किसी प्रकार का व्यवधान उत्पन्न न हो , जनहित में, प्रकरण विशेष में, उपरोक्त उल्लिखित कार्य के साथ- साथ समान प्रकृति के अतिरिक्त अन्य कार्यों को भी करने की अनुमति राजपत्र में अधिसूचना के द्वारा प्रदान कर सकेगी । "
राज्यपाल, यह भी निर्देश देते है कि राज्य सरकार उक्त अधिसूचना के समाचार पत्र में प्रकाशित होने की तारीख से 60 दिन के भीतर हितबद्ध व्यक्तियों से आपत्तियां एवं सुझाव जिलाधिकारी / बाढ़ परिक्षेत्रण प्राधिकारी , देहरादून के कार्यालय में किसी भी कार्य दिवस को लिखित रूप में दिए जाने और उन पर सम्यक् रूप से विचार करने के पश्चात् प्रतिषिद्ध या निर्बन्धित करने की घोषणा की अंतिम अधिसूचना जारी कर सकेगी ।
टिप्पणी- प्रतिषिद्ध या निर्बन्धित क्षेत्रों का विवरण हितबद्ध व्यक्तियों के निरीक्षण हेतु एनआईसी देहरादून एवं प्रमुख अभियंता, सिंचाई विभाग , उत्तराखण्ड, देहरादून की वेबसाइट के साथ- साथ जिलाधिकारी , देहरादून के कार्यालय में भी उपलब्ध है ।
आज्ञा से , डा ० आर० राजेश कुमार , सचिव ।
836
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 1
अधिसूचना संख्या- 941/2024 ,
ई० पत्रावली संख्या-76975,
दिनांक 07 अक्टूबर , 2024
उत्तराखण्ड बाढ मैदान परिक्षेत्रण अधिनियम-2012 के अन्तर्गत 100 वर्षीय बाढ़ आवृत्ति की सीमा में समस्त परिसम्पतियों के स्वामियों की पंजिका विवरण अनुसूची ।
जनपद देहरादून, तहसील सदर के अन्तर्गत रिस्पना नदी के तटों पर शिखर फॉल से मोथरोवाला संगम तक ।
रिस्पना नदी के बाढ़ मैदान परिक्षेत्रण की निर्बन्धित (Restricted) क्षेत्रों की अनुसूची-02
भूमि की श्रेणी
भूमि का प्रकार
विवरण क्र० सं०
ग्राम/मौजा का नाम
खसरा/गाटा संख्या
खाता खतोनी संख्या
बाढ मैदान परिक्षेत्रण में स्थित भूमि की माप/ क्षेत्रफल (है० में)
1
2
3
4
5
6
7
8
1.
72(ग)
41
0.0400
1-क. स० भूमिधर
2.
मकड़ैती
72(घ)
52
6.1 जलमग्न
0.1300
3.
73
41
0.0400
1. क. स० भूमिधर
4.
74 (क)
5.3.
46
0.0360
5.
5.3.
98(घ)
46
0.0900
6.
162(ख)
Non ZA
0,4000
7.
179
Non ZA
0.2400
8.
172(घ)
0.2000
9.
181
6-1 .जलमग्न
0.0800
10.
Total
1.256
1. हतंडीवाला
16
4खेवट
0.5200
स-1
श्रेणी-15 (जलमग्न)
Total
0.5200
1. वीरगीखाली
98
खाता स-10
0.0080
श्रेणी-15-1 (जलमग्न)
2.
106
0.0050
खेवट स-1
3 .
99
16
1 -क स भूमिधर
0.0040
Total
0.017
1.
6.1 जलमग्न
1 (ख)
53
6-(1)
0.2340
2.
केरवान करनपुर
7 (ख)
6.1 जलमग्न
6-(1)
53
0.0910
3.
6.1 जलमग्न
371 (ख)
53
6-(1)
0.0490
4.
372
6.1 जलमग्न
53
6-(1)
0.2200
5.
6.1 जलमग्न
4(क)
53
0.1400
6-(1)
6.
5-3 ख
5 (ख)
5-3 ख
50
0.1810
जंगल झाडी
7.
5-3 ख
5-3 ख
373(ड)
50
0.0340
जंगल झाड़ी
8.
2
6.1 जलमग्न
53
0.1290
6-(1)
9.
3मि.
श्रेणी-1 -क
30
0.0600
10.
4 ड.
30
श्रेणी-1-क
0.0590
11.
3मि.
31
0.0910
12.
12
26
0.1810
13.
30
32
0.0320
14.
-
31 क
14
0.0090
15.
-
31 ख
26
0.0090
16.
-
33
-
26
0.080
17.
8 ग
50
श्रेणी-5-3 ख
0.3010
18.
165
50
श्रेणी-5-3 खं
0.1000
19.
Total
2.441
1.
1
6-1
469
3.000
2.
654 क
5-3-ख
466
1,500
3.
चालंग
-
654ख
1-क
139
0.2000
4.
655 क
5-3-ड
470
0.0720
5.
656
6-1
469
0.040
6.
658
178
1-कें
0.0240 भाग 1 ]
837
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
7.
659क
8.
659ख
9.
661
10.
662
.-.
11.
667
12.
669
13.
670
14.
-
674
15.
675
1-क
83
0.0120
01
1
0.0080
1-क
263
0:0040
01
01
0.0160
01
01
0.0192
121
0:016
1 क
263
0.0070
1 क
122
0.0070
01श्रेणी
16.
676
-
17.
679क
01
0.0060
1 क
281
0.0060
01
01 श्रेणी
18.
680 क
..0.0120
01 श्रेणी
19.
680ग
- 20.
681 ग
- 21.
682
22.
705
23.
725 क मि
-
- 24.
725ख मि
25.
730
26.
737
27 .
732क
-
28.
732ख
- 29.
735
30.
736
31.
727
Total
1.
672
2.
441
ढाकपट्टी
3.
434
4.
435
01
0.0040
1 क
128
0.0040
5-3 -ड
467
0.0040
1 क
121
0.0060
1 क
119
0.0640
1 क
119
0.0300
1 क
151
0.0180
5-3-ड
467
0.0090
6-1
470
0.0320
6-1
469
1.760
5-3-ड
467
0.0610
6-2
472
0.0400
6-1
470
0.0150
1-क
287
0.0100
6.417
6-1-जलमग्न
690
1.7000
6-1 -जलमग्न
0.1900
80
1-क स० भू
0.01600
0.0100
1-क स ० भू
5.
436
6.
439
7.
395
1-क स० भू
0.0080
1 -क स ० भू
0.1000
32.
0.0100
1-क स० भू
8.
396
9.
440
10.
Total
1.
285के मि
तरलानागल
NON ZA
खेवट स.-1
0.4900
NON ZA
0.0320
खेवट स.- 1
2.556
742
4400 वर्ग मी० (0. 4400 है०)
श्रेणी-6-1
जलमग्न (नदी
रिस्पना)
Total
1.
16.1 च
0.4400
6-1-जलमग्न
2.
173
किशनपुर
3 .
211 क
4.
211 ग
5.
211 अ
6.
211 ड़
735
1.6800
5.3-ख-2
730
0.1500
5.3.5. बंजर
732
0.2260
6.1 . जलमग्न
735
0.0600
6.1 . जलमग्न
734
0.0450
511
0.6320
1. क. सं० भू
7.
211 घ
244
0.7073
1. क. स० भू
8.
211 च
136
0.0300
1. क. स० भू
Total
1. धोरनखास
1 मि०
3.5303
6-1 श्रेणी
Total
1.
886
जाखन
2.
999
3.
1121
4.
1076
Total
1292
2.1750
2.1750
6-1-जलमग्न
881
0.9000
881
6-1-जलमग्न
0.5600
6-1-जलमग्न
881
1.3000
5-3-डं बजर
0.0600
878
2.82.
838
[भाग 1
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई ० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
1. चीडोवाली 93क मि
94 2.
95 3.
4.
116क
Total
1.
कण्डोली
1 ड़
Total
146मि 1. अधोईवाला
2.
3.
160मि
161 क ख 4.
5.
6.
162 क
ख 7.
ग 8.
9.
10.
11.
12.
13.
14.
15.
16.
17.
164 क 18.
19.
20.
21.
22.
23.
24.
27मि 25.
28मि 26.
27.
28.
29.
28मि
529मि 30.
110 मि 31.
Total
544मि 1.
डालनवाला
102मि 2.
3.
86मि
101 मि 4.
102मि 5.
49मि 6.
7.
2मि
Total
3.4960
453
6-2श्रेणी
0.0300
453
6-2श्रेणी
0.0160
453
6-2श्रेणी
0.0320
453
6-2श्रेणी
3.574
2.0995
1001
श्रेणी-6-1
जलमग्न भूमि/ नदी
2.0995
1641
6-2
0.200 है ० (लगभग)
30
1-क
6-2
1641 0.1800 (लगभग)
1317
-
1-क
0.100 (लगभग)
2
1-क
37
0.1600 (लगभग)
377
1-क
554
652
863
873
1247
1367
1631
1054
1142
139
0.0800 (लगभग)
1-क
345, 400
575, 555
638, 669
841, 1053
1480, 371
1130
1631
1641
6-2
0.1600 (लगभग)
1450
0.500 (लगभग)
357
1-क
780
1640 0.3590 (लगभग ) 6-1 जलमग्न
1640 1.900 है० (लगभग) 6-1 जलमग्न
1640
6-2जलमग्न
2.900 है ० (लगभग)
6.539
श्रेणी 6-1
1.900 है ० (लगभग)
2033 धर्मपुर
जलमग्न
0.3200 है0
58
श्रेणी 6-1
डालनवाला
(लगभग)
जलमग्न
58 0.500 है० (लगभग) श्रेणी 6-1
डालनवाला
जलमग्न
59
0.100 है० (लगभग) श्रेणी 6-1
डालनवाला
जलमग्न
58
6.400 है० (लगभग) श्रेणी 6-1
जलमग्न
59
श्रेणी 6-1
0.200 है ० (लगभग)
जलमग्न
0.3200 है0
58
श्रेणी 6-1
(लगभग) जलमग्न
12.12.
839
उत्तराखण्ड गजट, 26 अक्टूबर , 2024 ई ० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
भाग 1 ]
श्रेणी 1 -क
545मि 1.
2.
धर्मपुर
3.
4.
5.
6.
7.
8.
9.
10.
11.
12.
13 .
14.
15.
16.
17.
18.
19.
20.
21 .
22.
23.
24.
25.
26.
27.
Total
1700 মি 1.
अजबपुर
1392 ख कला-1
2.
1366 क 3.
1391 क 4.
1384 क 5 .
1386 क 6.
1385 7.
844 8.
1374 ख 9.
1368 क 10.
1375 11.
843 क 12.
844 क 13 .
Total
2135 1.
2149 अजबपुर
2.
2148 कला-2
3.
2147 4.
2146 5.
2145 6.
2144 7.
2143 8.
1708 9.
2174 10.
1706 11.
1707 12.
Total
38/2 मि 1.
इन्द्रपुर
Total
20,21,35 0.600 है० (लगभग)
41,46
47,52
68,137
160,161
162,238
243,205
361
363
459
481
5211
771
799
838
957
1010
1160
1221
1267
1321
1363
1424
1431
1717
1760
1804
0.600
1.0932
3143
6(1)
0.0900
3143
6 (1)
0.3516
3143
-
6 (1)
0.2700
3143
जमन-15
0.1260
3143
6(1)
1.6500
3143
6 (1)
0.7040
3156
6(2)
0.5310
3143
6(1)
3143
0.1280
-
6(1)
0.0300
3143
6(1)
0.6345
3143
6 (1)
0.7210
3143
6(1)
0.8800
3143
6(1)
7.2093
2.695
3172
6(2)
0.2000
3157
6(2)
0.0175
3157
6(2)
0.1800
3157
6 (2)
0.0240
3157
6 (2)
0.1786
3157
6 (2)
0.0056
3157
6(2)
0.0300
3157
6(2)
3143
0.0510
6(1)
1.0800
3143
6 (1)
0.1080
3143
6(1)
0.0600
3143
6 (1)
4.6297
2.7480
144
6-(1)
6-(1) जलमग्न भूमि
2.7480 840
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई ० ( कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
1. केदारपुर 335
2. 337
3. 338
4.
351
5. 398
6. 399
7. 400
8. 401
9. 397
Total
1. मोथरोवाला 1239 ख
2. 1463मि
3. 1240
4.
1241
5. 1247 ख
6. 1261 ख -
7. 1263
8. 1262ख -
9. 1329ख
10. 1328 ख
11. 1332मि०
12. 1338मि०
13. 1333
14. 1335
15. 1334
16 . 1449
17. 1462
18. 1036 क
19. 1036 ख
20. 1034
21. 1005
22. 1006
23. 1007
24. 1008
25. 1004
26. 1003
27. 1002
28. 835
29. 854 -
30. 855
31. 852ख
32. 857
33. 850
34. 851
35. 1264
36. 849
Total
[भाग 1
5-3 (3) 802 0.0300
6 (1) 801 4.0128
5-3 (ड़) 803 0.0200
6(1) 801 0.0310
6 (1) 801 0.5320
6(1) 801 0.8510
6 (1) 801 0.2000
6 (1) 801 0.0240
6 (1) 801 0.0410
5.7418
6 (1) 1929 0.2510
6 (1) 5-3-ड 1929,1923 3.2900
1 क 210 0.1750
1 क 210 0.1050
6 (1) 1929 0.5100
5 (1) 1923 0.1050
5 (1) 1923 0.0960
5 (1) 1923 0.1430
6(1) 1929 0.2105
1 क 254 0.1320
1 क 1551 0.1550
1 क 1054 0.1120
1 क 437,1041 0.3145
1 क 1663,393 0.1540
1 क 393 0.0850
6 (1) 1929 0.2500
6(1) 1929 0.0510
6(1) 1929 0.0400
5-3-ड 0.9900
6 (1) 1929 0.3000
6 (1) 1929 0.1200
6 (1) 1929
6 (1) 1929 0.9100
6 (1) 1929 0.1020
6 (1) 1929 0.1200
6 (1) 1929 0.0900
6 (1) 1929 0.2509
6(1) 1929 0.0150
6(1) 1929 0.3100
6 (1) 1929 0.0810
6 (1) 1929 0.2800
6 (1) 1929 0.2010
6(1) 1929 0.0800
6 (1) 1929 0.0500
6 (1) 1929 0:0410
6(1) 1929 0.0340
10.2539
भाग 1 ]
841 उत्तराखण्ड गजट, 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
07 अक्टूबर , 2024 अधिसूचना संख्या- 941/2024, ई०पत्रावली संख्या-76975, दिनांक उत्तराखण्ड बाढ मैदान परिक्षेत्रण अधिनियम-2012 के अन्तर्गत 25 वर्षीय बाढ़ आवृत्ति की सीमा में समस्त परिसम्पतियों के स्वामियों की पंजिका विवरण अनुसूची ।
जनपद देहरादून, तहसील सदर के अन्तर्गत रिस्पना नदी के तटों पर शिखर फॉल से मोथरोवाला संगम तक ।
रिस्पना नदी के बाढ़ मैदान परिक्षेत्रण की प्रतिषिद्ध (Prohibited) क्षेत्रों की अनुसूची-01
भूमि का प्रकार भूमि की श्रेणी
विवरण क्र० सं०
ग्राम/मौजा का नाम
खसरा /गाटा संख्या
खाता खतोनी संख्या
बाढ मैदान परिक्षेत्रण में स्थित भूमि की माप/ क्षेत्रफल (है ० में)
1
2
3
4
5
6
7
8
1.
72(ग)
41
1-क-स० भूमिधर
0.0360
2.
72(घ)
जलमग्न 6.1
52
0.1200
3.
मकड़ैती
73
41
1-क-स० भूमिधर
0.0360
4.
74(क)
5.3-
46
0.0320
5.
98(घ)
5.3-
46
0.0820
6.
162(ख)
Non ZA
0.3800
7.
179
Non . ZA .
0.2230
8.
172(घ)
Non . ZA ,
0.1830
जलमग्न
9.
181
6.1 जलमग्न
0.0720
Total
1.164
1.
16
श्रेणी-15
4
0.4850
हतडीवाला
खेवट स-1
(जलमग्न)
Total
0.4850
1.
98
श्रेणी-15-1
खाता स-10
0.0070
2. वीरगीरवाली
106
(जलमग्न)
श्रेणी-15-1
0.0040
खेवट स-1
(जलमग्न)
3.
99
16
0.0040
1-क स भूमिधर
Total
0.015
1.
1 (ख)
53
6-1 जलमग्न भूमि श्रेणी -6. (1 )
0.2110
2.
7 (ख)
53
6-1 जलमग्न भूमि
0.0800
श्रेणी-6. (1)
केरवान करनपुर
3.
371 (ख)
53
6-1 जलमग्न भूमि श्रेणी-6. (1)
0.0380
4.
372
53
6-1 जलमग्न भूमि
0.2010
श्रेणी-6. (1)
5.
4(क)
53
6-1 जलमग्न भूमि
0.1300
श्रेणी-6. (1 )
6.
5-3 ख जंगल
5 (ख)
50
0.1710
(5-3 ख)
झाडी
7.
373 (ड)
50
0.0290
(5-3ख)
5-3 ख जंगल झाडी
8.
2
53
6-1 जलमग्न भूमि
0.1290
श्रेणी-6. (1 )
9.
3मि.
30
श्रेणी-1-कं
0.0600
10.
4ड.
30
श्रेणी-1-क
0.0590
11.
3 मि.
31
श्रेणी-1-क
0.0810
12.
12
26
श्रेणी-1-क
0.1780
13.
30
श्रेणीं-1-के
32
0.0320
14.
31 क
14
श्रेणी-1-क
0.0060
15.
31 ख
श्रेणी-1-क
26
0.0060
16.
33
श्रेणी-1-क
26
0.0080
17.
8 ग
50
0.2700
श्रेणी-5-3 (ख)
18.
165
50
0.0930
श्रेणी-5-3 (ख)
Total
1.782 842
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
1.
1
2.
654क
चालंग
3.
654ख
4.
655 क
5.
656
6.
658
7.
659क
8.
659ख
9.
661
10.
662
11.
667
12.
669
13.
670
14.
674
15.
675
16.
676
17.
679क
18.
680 क
19.
680 ग
20.
681 ग
21.
682
22.
705
23.
725 क मि
24.
725 ख मि
25.
730
26.
737
27 .
732क
-
28.
732ख
29.
735
30.
736
31.
727
Total
1.
672
2 .
441
ढाकपट्टी
3.
434
4.
435
5.
436
6.
439
7.
395
8.
396
440 9.
Total
1. तरलानागल 285क मि
Total
1.
161 च
2.
173 किशनपुर
3.
211 क
4.
211 ग
5.
211 अ
6.
211 ड़
7.
211 घ
8.
211 च
Total
[भाग 1
6-1
469
2,800
5-3-ख
466
1.300
1-क
139
0.1850
5-3-ड
470
0.0650
6-1
469
0.0320
1-क
178
0.0200
1-क
83
0.0100
01
1
0.0060
1-क
263
0.0030
01
01
0.0140
01
01
0.0160
121
0.0140
1 क
263
0.0060
1 क
0.0060
122
01
0.0050
01 श्रेणी
281
1 क
0.0050
0.0100
01
01 श्रेणी
01 श्रेणी
01
0.0030
1 क
128
0.0030
467
5-3-ड
0.0030
0.0050
1 क
121
0.0580
1 क
119
0.0260
1 क
119
1 क
151
0.0150
5-3-ड
467
0.0070
6-1
470
0.0300
6-1
1.660
469
5-3-ड
467
0.0580
0.0380
6-2
472
470
0.0140
6-1
287
1-क
0.0080
7.0062
6-1-जलमग्न
690
1.6800
0.1830
6-1-जलमग्न
80
0.0150
1-क स० भूमिधर
0.0090
1-क स ० भूमिधरं
0.0075
1-क स० भूमिधर
0.0960
1 -क स ० भूमिधर
0.0060
32.
1-क स० भूमिधर
NON ZA
0.4800
खेवट स.-1
NON ZA
खेवट स.-1
0.0300
2.5065
742
4136वर्ग मी0 (0 . 4136 है0)
श्रेणी-6-1 जलमग्न (नदी रिस्पना)
0.4136
735
6-1-जलमग्न
1.6300
730
5.3. ख-2
0.1400
0.2200
732
5.3.5. बजर
0.0570
735
6-1-जलमग्न
734
0.0410
6-1-जलमग्न
511
0.6120
1. क. स० भूमिधर
244
.0.7000
1. क. स० भूमिधर
136
0.0280
1. क. स ० भूमिधर
3.428 आग 1 ]
843
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई ० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
1.
1 मि०
धोरनखास
Total
1.
886
जाखन
2.
999
3.
1121
4.
1076
Total
1.
93क मि
चीडोवाली
2.
94
95
3.
4.
116 क
Total
1. कण्डोली
1 ड़
जलमग्न भूमि/ नदी
Total
1.
146मि
अधोईवाला
2.
3.
160 मि
4.
161 क ख
5.
6.
162क
ख
7.
8.
ग
9.
10.
11.
12.
13.
14.
15.
16.
17.
18.
164 क
19.
20.
21.
22.
23.
24.
25.
27मि
26.
28मि
27.
28.
28' मि
29.
529मि
30.
31.
110 मि
Total
1.
102मि
2.
49मि
धर्मपुर, डालनवाला
2मि
3.
- 6-1 श्रेणी
2.0860
1292
2.0860
881
0.8360
6-1-जलमग्न
6-1-जलमग्न
881
0.5350
881
6-1-जलमग्न
1.2100
5-3- ड बजर
878
0.0560
2.637
453
3.3450
6-2श्रेणी
453
0.0270
6-2श्रेणी
453
0.0140
6-2श्रेणी
453
6-2श्रेणी
0.0290
3.415
1001
2.0995
श्रेणी-6-1
2.0995
6-2
1641
0.1200 (लगभग)
1-क
30
6-2
1641
0.1660 (लगभग)
1-क
1317
0.080 (लगभग)
2
1-क
37
0.1400 (लगभग)
1-क
377
554
652
863
873
1247
1367
1631
1054
1142
139
0.0600 (लगभग)
1-क
345, 400
575, 555
638, 669
841; 1053
1480, 371
1930
1631
6-2
1641
0.1000 (लगभग)
1450
0.300 (लगभग)
357
1-क
780
1640
6-1 जलमग्न
0.3090 (लगभग )
1640
6-1 जलमग्न
1.75 है० (लगभग)
6-2जलमग्न
1640 2.70 है० (लगभग)
5.725
6-1 जलमग्न
58
6.100 है0 (लगभग)
6-1 जलमग्न
59
0.1800 हैं0 (लगभग)
0.2900 है0
58
6-1 जलमग्न
(लगभग) 844
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
4.
544मि
5.
102मि
6.
86मि
7.
101 मि
8.
9.
Total
1.
545मि
2.
3.
4.
धर्मपुर
5.
6.
7.
8.
9.
10.
11.
12.
13.
14.
15.
16.
17.
18.
19.
20.
21.
22.
23.
24.
Total
1.
1700 मि
2.
1392ख अजबपुर कला-1
3.
1366 क
4.
1391 क
5.
1384 क
6.
1386 क
7.
1385
8.
844
9.
1374ख
1368 क 10.
11.
1375
12.
843 क
13.
844क
14.
Total
[भाग 1
1-6 जलमग्न
1.7500 है०
2033धर्मपुर
1-6 जलमग्न
2.5500 है0
2033धर्मपुर
1-6जलमग्न
58
डालनवाला
6-1 जलमग्न
58
0.4500 है0
डालनवाला
59
0.800 है०
डालनवाला
12.12
श्रेणी 1-क
20,21,35
0.5500 है०
41,46
-(लगभग) -
47,52
68,137
160,161
162,238
243,205
361
363
459
481
5211
771
1010
1160
1221
1267
1321
1363
1424
1431
1717
1760
1804
0.5500
3143
1.0010
6(1)
3143
0.0850
6 (1)
0.3410
3143
6 (1)
3143
जभन-15
0.2630
3143
0.1200
6 (1)
3143
1.6001
6(1)
3156
0.7000
6(2)
3143
0.5100
6 (1)
3143
0.1200
6(1)
0.0100
3143
6(1)
3143
0.6300
6 (1)
3143
0.6210
6 (1)
3143
0.8100
6(1)
6.2441 भाग 1 ]
उत्तराखण्ड गजट, 26 अक्टूबर , 2024 ई ० ( कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
1..
2135
2.
2149
3.
अजबपुर कला-2
2148
4.
2147
5.
2146
6.
2145
7.
2144
8.
2143
9.
1708
10.
2174
11.
1706
12.
1707
Total
1.
इन्द्रपुर
38/2मि
6-(1) जलमग्न भूमि
Total
1.
335
केदारपुर
845
6(2)
3172
2.5950
3157
6(2)
0.1630
3157
0.0100
6(2)
3157
6 (2)
0.1570
3157
0.0230
6 (2)
3157
6 (2)
0.1700
0.0010
3157
6(2)
0.0210
3157
6(2)
3143
0.0410
6(1)
3143
6(1)
1.1200
3143
6 (1)
0.0910
3143
6(1)
0.0320
4.424
144
2.7480
6-(1)
2.7480
802
0.0210
5-3 (3)
2.
337
3.
338
801
4.0000
6(1)
803
5-3 (3)
4.
351
5.
398
6.
399
7.
400
8.
401
9.
397
Total
1.
1239 ख
2.
1463 मि
0.0120
801
0.0200
6 (1)
801
6(1)
0.5300
801
0.8100
6(1)
801
6 (1)
0.1600
801
6 (1)
0.0100
801
0.0400
6(1)
5.6030
1929
0.2000
6 (1)
1929,1923
3.016
6(1) 5-3-ड
मोथरोवाला
3.
1240
4.
124.1
.5 .
1247 ख
6.
1261 ख
7.
1263
8.
1262 ख
9.
1329 ख
- 10 .
1328 ख
11.
1332मि०
12.
1338मि०
13.
1333
14.
1335
15.
1334
16.
1449
17.
1462
18.
1036क
19.
1036ख
20.
1034
1 क
210
0.1600
1 क
210
0.0480
1929
0.0400
6 (1)
1923
0.0500
5 (1)
1923
0.0640
5(1)
1923
0.0470
5(1)
0.1340
1929
6(1)
1 क
254
0.0720
1 क
1551
0.1080
1 क
1054
0.1000
1 क
437,1041
0.2845
1 क
0.1410
1663,393
1 क
393
0.080
1929
0.2500
6(1)
1929
0.0300
6(1)
0,0400
1929
6 (1)
5-3-ड
0.9700
0.3000
1929
6.(1) 846
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
21. 1005
22. 1006
23, 1007
24. 1008
25. 1004
26. 1003
27. 1002
28. 835
29. 854
30 . 855
31. 852ख
32. 857
33. 850
34. 851
35. 1264
36. 849
Total
[भाग 1
6 (1) 1929 0.1200
6 (1) 1929 0.0900
6 (1) 1929 0.0800
6 (1) 1929 0.0500
6 (1) 1929 0.1200
6(1) 1929 0.0900
6 (1) 1929 0.2500
6(1) 1929 0.0150
6.(1) 1929 .. 0.0120
6(1) 1929 0.0600
6(1) 1929 0.2200
6(1) 1929 0.1600
6(1) 1929 0.0650
6 (1) 1929 0.0450
6 (1) 1929 0.0410
6 (1) 1929 0.0340
7.5865
आज्ञा से,
डा० आर० राजेश कुमार ,
सचिव ।
पी० एस० यू० ( आर ०ई ०) 43 हिन्दी गजट / 467- भाग 1-2024 (कम्प्यूटर /रीजियो)
मुद्रक एवम् प्रकाशक-अपर निदेशक , राजकीय मुद्रणालय , उत्तराखण्ड, रुड़की ।
पंजीकरण संख्या- UA/ DO/ DDN /30 / 2024-2026
सरकारी गजट, उत्तराखण्ड
उत्तराखण्ड सरकार द्वारा प्रकाशित
रुड़की, शनिवार, दिनांक 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
भाग 1-क
नियम , कार्य-विधियां, आज्ञाएं , विज्ञप्तियां इत्यादि जिनको उत्तराखण्ड के राज्यपाल महोदय , विभिन्न विभागों के अध्यक्ष तथा राजस्व परिषद् ने जारी किया
HIGH COURT OF UTTARAKHAND AT NAINITAL
CHARGE CERTIFICATE
(ON TAKING OVER)
October 07, 2024
No. 5568/ UHC /Admin.A/ 2024-- This is to certify that charge of office of Programmer Grade - Il in the establishment of the High Court of Uttarakhand at Nainital is taken over by the undersigned in the forenoon of 04.10.2024 under the order of the High Court of Uttarakhand vide Notification No. 395 / UHC /Admin . (A) / 2024 dated 03.10.2024.
MITHILESH KUMAR MATHPAL ,
Programmer Grade - II Countersigned
illegible,
Registrar General , High Court of Uttarakhand, Nainital .
1173-ख 1174
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई ० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
[भाग 1 -क
CHARGE CERTIFICATE
( ON TAKING OVER)
October 07, 2024
No. 5567 /UHC /Admin.A/ 2024-- This is to certify that charge of office of Programmer Grade - ll in the establishment of the High Court of Uttarakhand at Nainital is taken over by the undersigned in the forenoon of 04.10.2024 under the order of the High Court of Uttarakhand vide Notification No. 395 / UHC /Admin . (A)/2024 dated 03.10.2024.
VIJAY SINGH ,
Programmer Grade - II Countersigned
illegible,
Registrar General ,
High Court of Uttarakhand, Nainital .
CHARGE CERTIFICATE
( ON TAKING OVER)
September 21 , 2024
23
No. 5275 /UHC /Admin.A/2024--This is to certify that the charge of office of the Assistant Registrar in the establishment of the High Court of Uttarakhand at Nainital is taken over in the forenoon of 21.09.2024 under the order of theHigh Court vide Notification No. 353/UHC/Admin.A/2024 Dated 21.09.2024.
MRITUNJAY SINGH , Relieving Officer .
Countersigned
illegible ,
Registrar General ,
High Court of Uttarakhand, Nainital .
CHARGE CERTIFICATE
(ON TAKING OVER)
September 21, 2024
23
No. 5276 /UHC /Admin.A/2024 --This is to certify that the charge of office of the Assistant Registrar in the establishment of the High Court of Uttarakhand at Nainital is taken over in the forenoon of 21.09.2024 under the order of the High Court vide Notification No. 353 / UHC /Admin.A/2024 Dated 21.09.2024.
JEETANDER KUMAR ,
Relieving Officer.
Countersigned
illegible,
Registrar General ,
High Court of Uttarakhand ,
Nainital .
भाग 1-क]
1175 उत्तराखण्ड गजट, 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
CHARGE CERTIFICATE
(ON TAKING OVER)
September 21, 2024
23
No. 5277 / UHC /Admin.A/2024 --This is to certify that the charge of office of the Assistant Registrar in the establishment of the High Court of Uttarakhand at Nainital is taken over in the forenoon of 21.09.2024 under the order of the High Court vide Notification No. 353/UHC /Admin . (A)/2024 Dated 21.09.2024 .
RAJESH KUMAR SRIVASTAVA ,
Relieving Officer.
Countersigned
illegible,
Registrar General ,
High Court of Uttarakhand,
Nainital .
CHARGE CERTIFICATE
(ON TAKING OVER)
September 21 , 2024
23
No. 5278 /UHC /Admin.A/ 2024--This isto certify that the charge of office of the Assistant Registrar in the establishment of the High Court of Uttarakhand at Nainital is taken over in the forenoon of 21.09.2024 under the order of the High Court vide Notification No. 353/ UHC /Admin.A/ 2024 Dated 21.09.2024. i
SANJEEV RAO BHATT ,
Relieving Officer.
Countersigned
illegible,
Registrar General, HighCourtof Uttarakhand, Nainital.
CHARGE CERTIFICATE
( ON TAKING OVER)
September 21 , 2024
23
No. 5279 / UHC/Admin.A/2024 --This is to certify that the charge of office of the Assistant Registrar in the establishment of the High Court of Uttarakhand at Nainital is taken over in the forenoon of 21.09.2024 under the order of the High Court vide Notification No. 353/ UHC /Admin.A/2024 Dated 21.09.2024.
SUGATA DHAUNDIYAL ,
Relieving Officer.
Countersigned
illegible,
Registrar General , High Court of Uttarakhand,
Nainital .
1176
उत्तराखण्ड गजट, 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 1 -क
HIGH COURT OF UTTARAKHAND , NAINITAL
NOTIFICATION
September 18th , 2024
No. 350/ UHC/Stationery /VIII ( a& b) -1/2024
CALENDAR- 2025
JANUARY
FEBRUARY
MARCH
APRIL
SUN
5 1219 26
29 16 23
916 23
30 2
6 13 20 27
MON
6 13 20 27
3 10 17 24
31 3 10 17 24
7 14 21 28
TUE
7 14 21 28
4 11 18 25
411 18 25
1815 22 29
WED
18 15 22 29
5 1219 26
5 1219 26
2916 23 30
THU
2916 23 30
6 13 20 27
613 20 27
3 10 17 24
FRI
3 10 17 24 31
7 14 21 28
7 14 21 28
4 11 18 25
SAT
41118 25
18 15 22
1 8 15 22 29
51219 26
MAY
JUNE
AUGUST
JULY
SUN
4 11 18 25
1 8 15 22 29
613 2027 31 3 10 17 24
MON
5 1219 26
7 14 21 28
2916 2330
4 11 18 25
TUE
6 13 20 27
31017 24
18152229
5 121926
WED
7 14 21 28
4 11 18 25
6 13 20 27
2916 23 30
THU
18 15 22 29
5 1219 26
31017 24 31
7 14 21 28
FRI
2916 23 30
6 13 20 27
411 1825
18 15 22 29
SAT
3 1017 24 31
7 14 21 28
51219 26
2916 23 30
SEPTEMBER
OCTOBER
NOVEMBER
DECEMBER
SUN
7 14 21 28
5 12 19 26
30 2916 23
7 14 21 28
MON
1815 22 29
6 13 20 27
3 10 17 24
1815 22 29
TUE
2916 23 30
7 14 21 28
4 11 18 25
2916 23 30
WED
3 10 17 24
1 815 22 29
5 1219 26
3 1017 24 31
THU
4 11 18 25
29 16 23 30
6 13 20 27
4 11 18 25
FRI
5 12 19 26
310 17 24 31
7 14 21 28
51219 26
SAT
613 20 27
411 18 25
18152229
6132027
LIST OF HOLIDAYS
SL . NO.
NAME OF HOLIDAY
DAYS OF THE WEEK
NO . OF DAYS
MONTH & DATE
1.
January 11
New Year'sDay
Wednesday
2.
26 Winter Vacation
January 13th to February 07th
Mondayto Friday
3
1
January 26th
Sunday
4
Republic Day Maha Shivratri
Wednesday
February 26th
5 Holi
3
Thursday to Saturday
March 13th to 15th
6 *Id-ul -Fitr
1
Monday
7.
Ram Navami
1
March 31
April 06th
Sunday
8
Mahavir Jayanti
April 10th
1
Thursday
Vaisakhi
9
1
Sunday
10. Ambedkar's Jayanti
April 13th
April14th
Monday 1
11 . Good Friday April 18th Friday 1
12 . Buddha Purnima May 12th Monday 1
13. Summer Vacation May 26th to 30th Mondayto Friday 5
14. *Id-ul -Zuha June07th Saturday 1
15. *Muharram July 06th Sunday 1
16. Raksha Bandhan
Saturday
17. Independence Day Friday
August 09th
August 15th
18.
Janmashtami
August 16th
Saturday
19. Nandashtami
20 .
*Barawafat ( Milad - un - Nabi)
August 31
September 05th
Sunday Friday
21
5 Dussehra(Vijay Dashmi )
September 29th to October 03rd Mondayto Friday
22. Mahatma Gandhi's Jayanti
Thursday
Deepawali
23:
October 02nd October 20th to October 24th
5
Mondayto Friday
24.
November 05th
1 Guru Nanak's Birthday and Kartik Purnima
Wednesday
25.
December 25th & 26th
2
Thursday & Friday.
Christmas Holidays
Notes:
1.
2.
TheHolidays marked with ( *) can be refixed according to the sighting of the moon .. Judiciary.
3.
There is a separate list of Holidays for the District TheRegistry will remain open during the Winter Vacation.
4.
5.
The Registry will remain open for half day during the Summer Vacation . Black Colour indicates the Court sitting days .
6.
BlueColour indicates that the Registry will open for half day.
7.
RedColour indicates closing days of the High Court .
ByOrder of the Court , Sd/-
Registrar General .
भाग 1 -क]
1177 उत्तराखण्ड गजट, 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
HIGH COURT OF UTTARAKHAND
CALENDAR- 2025 (DISTRICT JUDICIARY)
NOTIFICATION
September 18th , 2024
No. 351 /UHC/Stationery /VIII ( a& b ) -1/2024
CALENDAR - 2025
JANUARY
FEBRUARY
MARCH
APRIL
SUN
5 1219 26
2916 23
30 2 9 16 23
6 13 20 27
MON
6 13 20 27
3 10 17 24
31 3 10 17 24
7 14 21 28
TUE
7 14 21 28
4 11 18 25
411 18 25
18 15 22 29
WED
1815 22 29
5 1219 26
51219 26
2916 23 30
THU
2916 23 30
6 13 20 27
6 13 20 27
3 1017 24
FRI
3 10 17 24 31
7 14 21 28
7 14 21 28
4 11 18 25
SAT
4 11 18 25
1 8 15 22
1815 22 29
51219 26
MAY
JUNE
JULY
AUGUST
SUN
4 11 18 25
18 15 22 29
613 20 27
31 3 10 17 24
MON
5 1219 26
7 14 21 28
2916 23 30
41118 25
TUE
6 13 20 27
3 10 17 24
18 15 22 29
5 12 19 26
WED
7 14 21 28
25
4 1118
2916 23 30
6 13 20 27
THU
1815 22 29
51219 25
3 10 17 24 31
7 14 21 28
FRI
291623 30
613 20 27
4 11 18 25
1815 22 29
SAT
3 10 17 24 31
714 21 28
51219 26
29 16 23 30
SEPTEMBER
OCTOBER
NOVEMBER
DECEMBER
SUN
7 14 21 28
5 1219 26
30291623
714 21 28
MON
1 8152229
6 13 20 27
3 10 17 24
18152229
TUE
2916 23 30
7142128
4111825
2916 23 30
WED
310 1724
18152229
5 1219 26
310 172431
THU
4 111825
29 16 2330
6 13 20 27
4 11 18 25
FRI
51219 26
310 17 24 31
7 14 21 28
51219 26
SAT
6 13 20 27
411 18 25
18 15 2229
6 13 2027
LIST OF HOLIDAYS
SL . NO . NAME OF HOLIDAY
MONTH & DATE
DAYS OF THE WEEK NO . OF DAYS
1.
NewYear Holiday
January 1st
1
Wednesday
2.
RepublicDay
January 26th
Sunday
3.
Maha Shivratri
February 26th
Wednesday
4.
Holi
March 13th to 15th
3
Thursdayto Saturday
5.
*Id-ul -Fitr
March31st
Monday
1
6.
Ram Navami
April06th
Sunday
1
7.
Mahavir Jayanti
April10th
Thursday
1
8.
Vaisakhi
April13th
Sunday
1
9. Ambedkar'sJayanti
April14th
1
Monday
10. Good Friday
April18th
Friday
1
11.
Buddha Purnima
May 12th
Monday
1
12.
*Id-ul -Zuha
June07th
1
Saturday
13 .
*Moharram
July 06th
Sunday
14.
Raksha Bandhan
August09th
Saturday
15 . Independence Day
August15th
Friday
16.
Janmashtami
August 16th
Saturday
1
17.
*Barawafat (Milad-Un-Nabi )
September05th
Friday
1
18 .
Dussehra (Vijay Dashmi )
September30th to October 02nd
3
Tuesdayto Thursday
19
Mahatma Gandhi's Jayanti
October02nd
Thursday
1
20
Deepawali
October 20th to 23rd
4
Mondayto Thursday
21.
Guru Nanak'sBirthday and Kartik Purnima
November 05th
Wednesday
1
22.
Christmas Holidays
December 25th to 31st
7
Thursdayto Wednesday
Notes:
1. The Holidays marked with ( * ) can be refixed according to the sighting of the moon.
2.The District Judge may declare three local holidays in consultation with District Magistrate. 3. There willbe Winter Vacation from
January 02ndto January 30th for the Civil Courts in Districts Almora , Bageshwar, Champawat ( except Tanakpur outlying court ) , Chamoli , Chakrata andMussoorie (Outlying Court District Dehradun ) , Nainital ( except Haldwani and Ramnagar outlying courts ) , Pithoragarh , Pauri Garhwal ( except Kotdwar outlying court) , Rudraprayag , Tehri Garhwal and Uttarakashi Districts as shown in Blue.
4. Therewillbe Summer Vacation from June 1 " to June 30th for the Civil Courts in Districts Dehradun (except Chakrata and Mussoorie outlying court ), Haridwar and Udham Singh Nagar alongwith Haldwani and Ramnagar (Outlying Courts District Nainital ) , Kotdwar ( Outlying Court District Pauri Garhwal ) and Tanakpur (Outlying Court District Champawat ) asshown in Green .
5. TheCourts will remain closed on the dates shown by Red . 6. There is a separate list of holidays for the High Court.
By Order of the Court, Sd/-
Registrar General.
1178
[भाग 1 -क उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई ० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
कार्यालय आयुक्त, गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग , उत्तराखण्ड, काशीपुर (ऊधमसिंह नगर)
विज्ञप्ति
nous
04 अक्टूबर , 2024 ई ०
पत्रांकः 1224/सी / ख- क्रय अनुभाग / ग ०आ० / 2024-25- उत्तराखण्ड गन्ना (पूर्ति एवं खरीद विनियमन) अधिनियम , 1953 की धारा 12 (2) के अन्तर्गत चीनी मिलों की गन्ना आवश्यकता निर्धारित किये जाने का प्राविधान है । उत्तराखण्ड राज्य की चीनी मिलों को पेराई सत्र 2024-25 हेतु गन्ना आवश्यकता निर्धारण किये जाने के सम्बन्ध में कार्यालय पत्र संख्या 649 / सी दिनांक 11 जुलाई , 2024 द्वारा प्रस्ताव / सूचनाऐं उपलब्ध कराये जाने हेतु राज्य की समस्त सहकारी , सार्वजनिक एवं निजी क्षेत्र की चीनी मिलों को निर्देशित किया गया । तद्क्रम में राज्य की समस्त सहकारी, सार्वजनिक एंव निजी क्षेत्र की चीनी मिलों द्वारा पेराई सत्र 2024-25 हेतु गन्ना आवश्यकता निर्धारण के सम्बन्ध में प्रस्ताव / सूचनाऐं उपलब्ध कराई गई ।
पेराई सत्र 2023-24 में राज्य में कुल 94088 हैक्टेयर क्षेत्रफल में गन्ने की बुवाई की गई. तथा अनुमानित 832.70 लाख कुन्तल गन्ने का उत्पादन हुआ । गन्ना उत्पादन के सापेक्ष राज्य की चीनी मिलों द्वारा कुल 305.80 लाख कुन्तल गन्ना पेराई की गई, इस प्रकार औसत ड्राल लगभग 37 प्रतिशत रहा । प्रायः यह अनुभव किया जाता रहा है कि जिस पेराई सत्र में चीनी मिलों द्वारा गन्ना कृषकों के गन्ना मूल्य का नियमित रूप से भुगतान नहीं किया जाता है, तो आगामी पेराई सत्र में कृषकों की गन्ने की खेती के प्रति रूचि कम हो जाती है तथा गन्ने का व्यावर्तन होने की प्रबल सम्भावना बनी रहती है , जिसका प्रत्यक्ष प्रभाव चीनी मिलों को आगामी पेराई सत्र में होने वाली गन्ना पेराई पर पड़ता है एवं चीनी मिलों को उनकी आवश्यकता के अनुरूप गन्ने की आपूर्ति नहीं हो पाती है । पेराई सत्र 2023-24 हेतु राज्य की चीनी मिलों द्वारा की गई गन्ना पेराई के सापेक्ष राज्य सरकार द्वारा निर्धारित गन्ना मूल्य दर के अनुसार कुल देय गन्ना मूल्य अंकन रू0 1133.02 करोड़ के सापेक्ष अद्यावधिक अंकन रू 0 1122.23 करोड़ का भुगतान किया जा चुका है तथा अंकन रू 0 10.79 करोड़ गन्ना मूल्य की धनराशि वर्तमान मे भी अवशेष है , जो कि कुल देयता का 01 प्रतिशत है । उक्त के अतिरिक्त जनपद हरिद्वार स्थित निजी क्षेत्र चीनी मिल इकबालपुर के विरूद्ध वर्तमान में भी पेराई सत्र 2018-19 का 106.17 करोड़ गन्ना मूल्य गन्ना कृषकों का वर्तमान में भी लम्बित है । चीनी मिल इकबालपुर के बकाया गन्ना मूल्य भुगतान के सम्बन्ध में माननीय उच्च न्यायालय , उत्तराखण्ड, नैनीताल में योजित रिट याचिका संख्या 215 (PIL) 2019नितिन बनाम केन्द्र सरकार व अन्य में माननीय उच्च न्यायालय द्वारा पारित निर्णयादेश दिनांक 11 फरवरी , 2020 एवं दिनांक 03 मार्च , 2020 के अनुपालन में अग्रेत्तर कार्यवाही गतिमान है ।
यहां यह भी उल्लेखनीय है कि भारत सरकार, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग के कार्यालय ज्ञाप दिनांक 08 दिसम्बर , 2023 द्वारा प्रदत्त अनापत्ति के क्रम में वाणिज्य एवं उद्योग विभाग , भारत सरकार के Amendment Certificate दिनांक 16 जनवरी, 2024 द्वारा चीनी मिल लकसर की पेराई क्षमता 10000 टी० सी०डी० से 13000 टी० सी०डी० विस्तारित की गई है । इसी प्रकार भारत सरकार, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग के कार्यालय ज्ञाप दिनांक 09 अगस्त , 2023 द्वारा प्रदत्त अनापत्ति के क्रम में वाणिज्य एवं उद्योग विभाग, भारत सरकार के Amendment Certificate दिनांक 26 सितम्बर , 2023 द्वारा चीनी मिल लिब्बरहेड़ी की पेराई क्षमता 6250 टी0 सी 0डी0 से 8000 टी० सी ० डी० विस्तारित की गई है ।
उपरोक्त वर्णित तथ्यों एवं तद्विषयक चीनी मिलों की पंजीकृत पेराई क्षमता, विगत तीन पेराई सत्रों में की गई गन्ना पेराई, औसत गन्ना पेराई तथा चीनी मिलों के कुल कार्य दिवसों एवं औसत कार्य दिवसों का परीक्षण करने उपरान्त प्रकाश में आया कि:-
1. पेराई सत्र 2023-24 में राज्य की सहकारी (बाजपुर एवं नादेही) तथा सार्वजनिक (किच्छा एवं डोईवाला) द्वारा औसतन 100 दिवस पेराई कार्य किया गया एवं विगत तीन पेराई सत्रों में औसतन 125 दिवस पेराई कार्य किया गया । अतः राज्य की सहकारी एवं सार्वजनिक क्षेत्र की चीनी मिलों के संदर्भ में पेराई सत्र 2024-25 हेतु उक्त चीनी मिलों की मांग / प्रस्ताव के अनुसार ही गन्ना आवश्यकता का निर्धारण किया जा रहा है ।
2. पेराई सत्र 2023-24 में राज्य की निजी क्षेत्र की चीनी लकसर 125 दिवस, चीनी मिल लिब्बरहेड़ी 147 दिवस , चीनी मिल इकबालपुर 135 दिवस तथा चीनी मिल सितारगंज द्वारा 108 दिवस ही कार्य किया गया । इस प्रकार उक्त चीनी मिलों द्वारा पेराई सत्र 2023-24 में औसतन भाग 1 -क]
1179
उत्तराखण्ड गजट, 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत)
129 दिवस पेराई कार्य किया गया है । निजी क्षेत्र के चीनी मिलों के संदर्भ में चूंकि चीनी मिलों द्वारा उपलब्ध कराई मांग अत्यधिक है तथा चारों निजी क्षेत्र की चीनी मिलों द्वारा विगत 03 पेराई सत्रों में औसतन 150 दिवसों में पेराई कार्य किया गया है । अतः पेराई सत्र 2024-25 हेतु निजी क्षेत्र की चीनी मिलों की गन्ना आवश्यकता 150 कार्य दिवसों के अनुसार ही निर्धारित की जा रही है ।
3. गन्ना आवश्यकता निर्धारण उपरान्त यदि किसी चीनी मिल द्वारा अपनी पेराई क्षमता में वृद्धि की जाती है, तो विस्तारीकरण उपरान्त पेराई क्षमता के आधार पर गन्ना आवश्यकता मानी जायेगी । जिन चीनी मिलों द्वारा पेराई क्षमता में वृद्धि कर ली गई है, उनके द्वारा अपने परिक्षेत्र में ही गन्ना उत्पादन बढ़ाकर गन्ने की आवश्यकता की पूर्ति की जायेगी, किसी अन्य चीनी मिल के गन्ना क्षेत्र दिये जाने की मांग चीनी मिल द्वारा नहीं की जायेगी ।
अतः सम्यक् विचारोपरान्त उत्तराखण्ड गन्ना (पूर्ति एवं खरीद विनियमन) अधिनियम, 1953 की धारा 12(2 ) के अन्तर्गत मैं चन्द्र सिंह धर्मशक्तू, आयुक्त, गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग , उत्तराखण्ड राज्य में अवस्थित चीनी मिलों की पेराई सत्र 2024-25 हेतु गन्ने की आवश्यकता का अनुमान निम्नानुसार निर्धारण करते हुए सरकारी गजट में प्रकाशित करने की आज्ञा देता हूँ:-
पेराई सत्र 2024-25 हेतु उत्तराखण्ड राज्य की चीनी मिलों की गन्ना आवश्यकता
नाम चीनी मिल
क्र० सं०
जनपद
पंजीकृत पेराई क्षमता (T.C.D.)
निर्धारित गन्ना आवश्यकता (लाख कु०)
(अ) सहकारी क्षेत्र
1. दि बाजपुर कोऑपरेटिव शुगर फैक्ट्री लि० , बाजपुर
2.
दि किसान सहकारी चीनी मिल्स लि० , नादेही ऊधमसिंह नगर 4000
48.00
ऊधमसिंह नगर
2000
25.00
(ब) सार्वजनिक क्षेत्र
3. किच्छा शुगर कम्पनी लि० , किच्छा
4. डोईवाला शुगर कम्पनी लि० , डोईवाला
ऊधमसिंह नगर 4000
45.00
2500
देहरादून
30.00
(स) निजी क्षेत्र
2500
5. जे० जी० एन ० शुगर एण्ड बायोफ्यूल्स प्रा ० लि० , सितारगंज |
6. उत्तम शुगर मिल्स लि० , लिब्बरहेड़ी
7.
धनश्री एग्रो प्रोडक्ट्स प्रा० लि० , इकबालपुर
8. आर० बी० एन ०एस ० शुगर मिल्स लि० , लकसर
37.50
ऊधमसिंह नगर
हरिद्वार
8000
120.00
हरिद्वार
5500
82.50
हरिद्वार
13000
195.00
उपरोक्तानुसार निर्धारित गन्ना आवश्यकता से अधिक पेराई किये जाने की स्थिति में तद्नुसार संज्ञान लिया जायेगा ।
चन्द्र सिंह धर्मशक्तू,
आयुक्त,
गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग
उत्तराखण्ड ।
1180
[भाग 1 -क उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई ० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
कार्यालय आयुक्त, खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन , उत्तराखण्ड, देहरादून
आदेश
08 अक्टूबर , 2024 ई ०
पत्रांकः FDA/गुंटका प्रतिषेध / 12 / 2012 / 5420 - जैसा कि खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 (2006 का 34) की धारा 26 सपठित धारा 92 की उपधारा (2) के खण्ड (झ) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुये , भारतीय खाद्य सुरक्षा तथा मानक प्राधिकरण द्वारा निर्मित खाद्य सुरक्षा मानक (विक्रय प्रतिषेध और निर्बन्धन ) विनियम, 2011 के विनियम 2.3.4 के अधीन किसी खाद्य उत्पाद में संघटकों के रूप में तम्बाकू और निकोटिन का उपयोग प्रतिबन्धित किया गया है ।
जैसा कि गुटका तथा पान मसाला खाद्य उत्पाद हैं, इन उत्पादों मे तम्बाकू और निकोटिन का उपयोग संघटक के रूप में किया जा रहा है ।
जैसा कि खाद्य उत्पादों में तम्बाकू तथा निकोटिन का बहुत ज्यादा संघटक के रूप में प्रयोग किया जा रहा है , जिससे जन स्वास्थ्य के हित में गुटका तथा पान मसाला निषिद्ध किया जाना आवश्यक है ।
जैसा कि खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम 2006 की धारा 30 की उपधारा (2) के अधीन राज्य खाद्य सुरक्षा आयुक्त जन स्वास्थ्य के दृष्टिगत राज्य के किसी भाग या पूरे राज्य में एक वर्ष के लिये किसी खाद्य पदार्थों के निर्माण , भण्डारण , वितरण , बिक्री को पूरे राज्य में प्रतिबन्धित कर सकता है ।
अतएव् खाद्य सुरक्षा तथा मानक (विक्रय प्रतिषेध और निर्बन्धन) विनियम 2011 के विनियम 2.3.4 का अनुसरण करते हुए तम्बाकू तथा निकोटिन युक्त गुटका , पान मसाला या अन्य खाद्य पदार्थ जो किसी भी नाम से बाजार में उपलब्ध हों, जन स्वास्थ्य के दृष्टिगत सम्पूर्ण राज्य, में इस आदेश के निर्गत होने की तिथि से एक वर्ष तक अवधि के लिए निर्माण , भण्डारण , वितरण एवं बिक्री को प्रतिबन्धित करते हैं ।
डा० आर० राजेश कुमार, आयुक्त ।
कार्यालय महानिदेशक, सूचना एवं लोक सम्पर्क विभाग, उत्तराखण्ड
कार्यालय आदेश
15 अक्टूबर , 2024 ई 0
पत्रांकः 871 /सू.एवंलो.सं.वि. (प्रशा. ) -58 / 2001 - उप सचिव सूचना , उत्तराखण्ड शासन के पत्र संख्या: 413 / XXII2024-02 ( 1 ) 2009 , दिनांक 14 अक्टूबर 2024 , के माध्यम से प्राप्त अपर सचिव, कार्मिक एवं सतर्कता अनुभाग -2 , उत्तराखण्ड शासन के पत्र संख्याः 244543 / XXX. (2 )/2024- E77884 , दिनांक 07 अक्टूबर , 2024 तथा सचिव, उत्तराखण्ड, लोक सेवा आयोग , हरिद्वार के पत्र संख्या 174 / 46 / ई -1 / डी० आर ० (पी० सी० एस०) / 2020-21 , दिनांक 03 सितम्बर, 2024 के अनुसार उत्तराखण्ड लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित उत्तराखण्ड सम्मिलित राज्य सिविल / प्रवर अधीनस्थ सेवा मुख्य परीक्षा -2021 के माध्यम से चयनित / संस्तुत निम्नांकित अभ्यर्थियों को श्रेष्ठता क्रम में, सूचना एवं लोक सम्पर्क विभाग , उत्तराखण्ड में सूचना अधिकारी / जिला सूचना अधिकारी के पद पर लेवल -7, वेतनमान रू . 44900-142400 में कार्यभार ग्रहण करने की तिथि से निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन नियुक्ति प्रदान की जाती है:-
भाग 1 -क]
1181
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
नाम
अनुक्रमांक
पिता/ पति का नाम क्र.सं.
2
1
4
1. 298071
श्री वीरेन्द्र सिंह तोमर पत्र व्यवहार का पता
Claimed Cat/Subcat
Selected Cat/ Subcat
6
GEN
7 GEN 5 36के -1 , संदेश नगर, कनखल , हरिद्वार, उत्तराखण्ड-249408
3 वीरेश्वर तोमर (VIRESHWAR TOMAR)
Email : [email protected]
2.
श्री भगत सिंह 221895 धीरज कार्की (DHEERAJ KARKI )
GEN
GEN
निकट पंचायत घर अंबीवाला , प्रेमनगर, देहरादून उत्तराखण्ड -248007 Email :[email protected]
3.
श्री अशोक कुमार सिंह
GEN
GEN
ग्राम व पोस्ट उर्दीना, थाना बारूण , जिला औरंगाबाद, विहार-824112
142409 कुन्दन कुमार (KUNDAN KUMAR)
4
287746
श्री अवधेश कुमार
GEN
GEN
Email : [email protected] ग्राम आलीपङ, पोस्ट- हथगांव, जिला फतेहपुर, उत्तर प्रदेश-212652
अनुज कुमार (ANUJ KUMAR)
5. 103075
स्व. रामशरण यादव सत्यपाल सिंह (SATYAPAL SINGH)
GEN
GEN
Email :[email protected] 'सेलीब्रेशंस गेस्ट हाउस' के सामने, विभूतिनगर, सर्कुलर रोड़, सांडी चुंगी, जिला हरदोई, उत्तर प्रदेश-241402
6. 250859
GEN
GEN
Email : strolling [email protected] लेन नं. 5 , अलकनंदा विहार, नकरौंदा, देहरादून, उत्तराखण्ड-248008
योगेश पोखरियाल (YOGESH POKHRIYAL)
श्री सुरेश चन्द्र पोखरियाल
7 . 266901
श्री नेमीशरण शर्मा
Email :[email protected] मकान नं. 57402, बिल्डिंग नं. 57 , रेजीडेंशियल GEN/UF GEN/U.F
काम्पलेक्स AIIMS, ऋषिकेश ,
उत्तराखण्ड-249203
द्रवनीता शर्मा (DRAVNEETA SHARMA)
8. 144251
श्री अनिरूद्ध साह
GEN/ UF
GEN/ U.F
Email : [email protected] दुर्गा सदन, रोहिल्ला लॉज कम्पाउंड, तल्लीताल , नैनीताल, उत्तराखण्ड-263002
प्रियंका जोशी (PRIYANKA JOSHI )
9. 120546
श्री विजय वर्मा
OBC
OBC
Email: [email protected] मल्ला कृष्णापुर, तल्लीताल , नैनीताल, उत्तराखण्ड -263001
क्षितिज वर्मा (KSHITIZ VERMA)
Email: [email protected]
10. 338808 कर्मवीर
श्री सुरेन्द्रशर्मा
EWS
EWS
गाँव- बाजूहेड़ी, पोस्ट- मेहवड़ कलां , जिला हरिद्वार, उत्तराखण्ड-247667
(KARAMVEER)
11. 171690
श्री भूपाल चन्द
OBC
OBC
Email: [email protected] ग्राम गौहर पटिटया , पोस्ट विगराबाग, खटीभा, उधमसिंह नगर , उत्तराखण्ड -262308
सन्तोष चन्द्र (SANTOSH CHAND)
Email: [email protected]
1. उपरोक्त नियुक्ति पूर्णतः अस्थायी / औपबन्धिक है । यदि किसी अभ्यर्थी के वांछित शैक्षिक अभिलेख तथा चरित्र एवं पूर्ववृत्त का सत्यापन सकारात्मक नहीं होता है अथवा अभ्यर्थी स्वास्थ्य परीक्षण में अनुपयुक्त पाया जाता है तो उसका परिवीक्षा काल समाप्त करते हुए उसकी सेवाएं समाप्त कर दी जाएंगी ।
2. उपर्युक्त अभ्यर्थी सूचना अधिकारी / जिला सूचना अधिकारी के पद पर कार्यभार ग्रहण करने की तिथि से दो वर्ष की परिवीक्षा अवधि में रहेंगे । जिसे नियमानुसार बढ़ाया भी जा सकता है ।
3. उपर्युक्त अभ्यर्थियों को तैनाती स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई मार्ग व्यय देय नहीं होगा ।
4. उपर्युक्त अभ्यर्थियों को शासन द्वारा समय - समय पर स्वीकृत / देय महंगाई एवं अन्य भत्ते भी अनुमन्य होंगे ।
5. उपर्युक्त अभ्यर्थियों को कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व निम्नलिखित प्रमाण- पत्र / प्रपत्र भी प्रस्तुत करने होंगे:-
क. समस्त चल-अचल सम्पत्ति से संबंधित घोषणा, जिसके वे स्वामी हों ।
ख. अभ्यर्थी द्वारा केन्द्र एवं राज्य सरकार के अधीन अब तक की गई सेवा के संबंध में घोषणा- पत्र तथा संघ अथवा राज्य की सेवा से पदच्युतं न किये जाने का प्रमाण- पत्र ।
ग . वैवाहिक स्थिति । यदि विवाहित हैं तो एक से अधिक जीवित पति / पत्नी न होने की घोषणा/ शपथ- पत्र ।
घ. दो राजपत्रित ऐसे अधिकारी , जो सक्रिय सेवा में हों, किन्तु उनके संबंधी न हों, के द्वारा जारी चरित्र प्रमाण- पत्र ।
ङ. अंतिम स्कूल अथवा संस्था का चरित्र प्रमाण- पत्र ।
च. किसी न्यायालय में कोई अभियोजन न चलाये जाने तथा न्यायालय द्वारा दण्डित न किये जाने के संबंध में घोषणा-पत्र ।
छ. समस्त शैक्षिक योग्यता से संबंधित प्रमाण- पत्र, लागू आरक्षण श्रेणी / उप आरक्षण श्रेणी से संबंधित प्रमाण पत्र तथा केन्द्र सरकार अथवा राज्य सरकार के अधीन कार्यरत अभ्यर्थी होने की स्थिति में संबंधित विभाग द्वारा देय अनापत्ति प्रमाण- पत्र की सत्यापित प्रति ।
ज. लिखित रूप में एक " under taking " कि यदि पुलिस सत्यापन, चरित्र प्राग्वृत सत्यापन तथा चिकित्सा परीक्षण के पश्चात् उन्हें सरकारी सेवा के लिए उपयुक्त नहीं पाया जाता है तथा भविष्य में उनका कोई प्रमाण- पत्र जाली/ त्रुटिपूर्ण पाया जाता है तो यह नियुक्ति निरस्त समझी जाए । जिसके लिए वे किसी क्षतिपूर्ति के हकदार नहीं होंगे ।
ञ . इंडियन ऑफिशियल सीक्रेट एक्ट की जानकारी होने का प्रमाण-पत्र ।
1182
उत्तराखण्ड गजट, 26 अक्टूबर, 2024 ई ० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 1 -क
यह नियुक्ति मा. उच्च न्यायालय उत्तराखण्ड, नैनीताल में योजित रिट याचिका संख्या 202 (एस/ बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 219 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 317 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 289 (एस/बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 301 (एस/ बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 1058 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 399 (एस/ बी) ऑफ 2022 , रिट याचिका संख्या 583 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 550 (एस/ बी) ऑफ 2023, रिट याचिका संख्या 644 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 414 (एस / बी) ऑफ़ 2022, रिट याचिका संख्या 300 (एस / बी) ऑफ 2022, रिट याचिका संख्या 53 (एस / बी) ऑफ 2023, रिट याचिका संख्या 72 (एस / बी) ऑफ 2023 , रिट याचिका संख्या 74 (एस/ बी) ऑफ 2023, रिट याचिका संख्या 245 (एस/ बी) ऑफ 2023, रिट याचिका संख्या 155 ( एस / बी) ऑफ 2024 तथा रिट याचिका संख्या 466 (एस / बी) ऑफ 2024 में पारित होने वाले अंतिम निर्णय के अधीन रहेगी ।
उपरोक्त अभ्यर्थियों को इस आदेश के जारी होने की तिथि से एक माह के अन्दर ' सूचना भवन' लाडपुर रिंग रोड, देहरादून स्थित कार्यालय महानिदेशक, सूचना एवं लोक सम्पर्क विभाग, उत्तराखण्ड में कार्यभार ग्रहण करना होगा । उक्त निर्धारित अवधि के अन्दर कार्यभार ग्रहण न करने की दशा में यह मान लिया जाएगा कि उन्हें नियुक्ति स्वीकार्य नहीं है और उनके नियुक्ति आदेश निरस्त कर दिये जाएंगे । उपरोक्त अभ्यर्थियों के तैनाती आदेश पृथक से निर्गत किये जाएंगे ।
बंशीधर तिवारी , महानिदेशक़ ।
पी ० एस ० यू० (आर० ई ० ) 43 हिन्दी गजट / 467-भाग 1 - क-2024 (कम्प्यूटर/ रीजियो) ।
मुद्रक एवम् प्रकाशक-अपर निदेशक , राजकीय मुद्रणालय, उत्तराखण्ड, रुड़की ।
पंजीकरण संख्या- UA/ DO/ DDN /30 /2024-2026
सरकारी गजट, उत्तराखण्ड
उत्तराखण्ड सरकार द्वारा प्रकाशित
रुड़की, शनिवार, दिनांक 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
भाग 3
स्वायत्त शासन विभाग का क्रोड़-पत्र, नगर प्रशासन , नोटीफाइड एरिया, टाउन एरिया एवं निर्वाचन (स्थानीय निकाय ) तथा पंचायतीराज आदि के निदेश जिन्हें विभिन्न आयुक्तों अथवा जिलाधिकारियों ने जारी किया कार्यालय जिलाधिकारी / जिला निर्वाचन अधिकारी (स्था०नि०) देहरादून नगर निगम, देहरादून निर्वाचक नामावली का विशेष पुनरीक्षण कार्यक्रम-2024
सूचना
19अक्टूबर , 2024 ई 0
पत्रांक 411 / स्था०नि० / वि० पुनरीक्षण/ 2023-24 - राज्य निर्वाचन आयोग , उत्तराखण्ड, देहरादून की अधिसूचना संख्या-1129 / रा० नि०आ०-3/1260 / 2023 दिनांक 18 अक्टूबर, 2024 के द्वारा प्राप्त परिसीमन के क्रम में नगर निगम, देहरादून के वार्ड संख्या -48 (बद्रीश कॉलोनी) एवं वार्ड संख्या-49 (भगत सिंह कॉलोनी) की निर्वाचक नामावली का विशेष पुनरीक्षण कराये जाने के निर्देश दिये गये हैं ।
अतः भारत का संविधान के अनुच्छेद 243 - य क के अन्तर्गत एवं उत्तर प्रदेश नगर निगम अधिनियम, 1959 (उत्तराखण्ड में यथा प्रवृत्त एवं यथा संशोधित) की धारा 35 एवं उत्तर प्रदेश नगर निगम (निर्वाचक नामावली का तैयार किया जाना और पुनरीक्षण) नियमावली 1994 (उत्तराखण्ड में यथा प्रवृत्त एवं यथा संशोधित) के नियम-18 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुये मै, सविन बंसल , जिला मजिस्ट्रेट / जिला निर्वाचन अधिकारी (स्था० नि०) जनपद देहरादून के नगर निगम , देहरादून के वार्ड संख्या -48 (बद्रीश कॉलोनी) एवं वार्ड संख्या -49 (भगत सिंह कॉलोनी) की निर्वाचक नामावलियों का विशेष पुनरीक्षण निर्धारित समय - सारिणी के अनुसार कराये जाने के निर्देश देता हूँ । इस विशेष पुनरीक्षण में उक्त वार्डों की प्रचलित निर्वाचक नामावलियों को व्यवस्थित करते हुए निम्न कार्यक्रमानुसार अद्यतन किया जायेगा :-
07-घ 08
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 3
कार्यक्रम
दिनांक
अवधि
19.10.2024 01 दिन 1 - पूर्व में बनायी गयी निर्वाचक नामावलियों से नये परिसीमन / उक्त संदर्भित शुद्धि पत्र के अनुसार वार्डवार मतदाताओं को चिन्हित कर नामावली को व्यवस्थित करना ।
21:10.2024 01 दिन 2- व्यवस्थित निर्वाचक नामावलियों के अनुसार मतदाताओं को सॉफ्टवेयर पर वार्ड वार शिफ्ट करना एवं फोटो स्टेट
3-मुद्रित निर्वाचक नामावलियों का आलेख्य प्रकाशन
22.10.2024
07 दिन 4- निर्वाचक नामावलियों के आलेख्य का निरीक्षण तथा दावे / आपत्तियाँ प्राप्त करना ।
23.10.2024 से 29.10.2024 तक
5-दावे तथा आपत्तियों का निस्तारण
30.10.2024 01 दिन
31.10.2024 01 दिन 5-पूरक सूचियों की तैयारी / डाटा एन्ट्री एवं फोटो स्टेट
7- निर्वाचक नामावलियों का जनसामान्य के लिए अन्तिम प्रकाशन
2- जिला निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी , निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी एवं सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (स्थानीय निकाय ) , नगर निगम , देहरादून द्वारा अपने उक्त संदर्भित वार्डो की मतदाता सूचियों को व्यवस्थित किये जाने विषयक कार्यक्रम का स्थानीय समाचार पत्रों के माध्यम से व्यापक प्रचार- प्रसार किया जायेगा तथा सार्वजनिक जानकारी हेतु संबंधित क्षेत्र के समस्त कार्यालयों के सूचना पट्टों पर भी यह कार्यक्रम प्रकाशित किये जायेंगे । सर्वसाधारण की जानकारी में यह तथ्य भी ला दिये जायेंगे कि निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी के विनिश्चय के विरूद्ध , अपील अधोहस्ताक्षरी को इस प्रतिबन्ध के साथ ग्राह्य होगी कि अपील करने के इच्छुक व्यक्ति ने उस मामले पर जो अपील की विषय - वस्तु है , निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी द्वारा सुने जाने या उसको अभ्यावेदन प्रस्तुत करने का लाभ उठाया है और यह अपील उत्तर प्रदेश नगर निगम ( निर्वाचक नामावली का तैयार किया जाना और पुनरीक्षण) नियमावली , 1994 ( उत्तराखण्ड में यथा प्रवृत्त एवं यथा संशोधित) नियम 20 (1) (2) के अधीन दायर की गयी है ।
3-उपर्युक्त पुनरीक्षण हेतु निर्वाचकों की सन्दर्भ तिथि 01 जनवरी , 2024 निर्धारित की जाती है, नगर निगम, देहरादून के उक्त संदर्भित वार्डों की निर्वाचक नामावलियों का विशेष पुनरीक्षण किया जायेगा । प्रादेशिक निर्वाचन क्षेत्रों के उन सभी व्यक्तियों के नाम निर्वाचक नामावली में सम्मिलित किये जायेगें जो 01 जनवरी , 2024 को 18 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके हैं । विशेष पुनरीक्षण के पश्चात तैयार निर्वाचक नामावलियां ही आगामी सामान्य / उप निर्वाचनों में प्रयुक्त की जायेगी ।
सविन बंसल, जिला मजिस्ट्रेट / जिला निर्वाचन अधिकारी(स्था०नि०) देहरादून ।
पी० एस०यू० (आर० ई० ) 43 हिन्दी गजट / 467 -भाग - 3-2024 (कम्प्यूटर / रीजियो) ।
मुद्रक एवम् प्रकाशक- अपर निदेशक, राजकीय मुद्रणालय, उत्तराखण्ड, रुड़की ।
पंजीकरण संख्या- UA/DO / DDN/ 30 /2024-2026
सरकारी गजट, उत्तराखण्ड
उत्तराखण्ड सरकार द्वारा प्रकाशित
रुड़की, शनिवार, दिनांक 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
भाग 7
इलेक्शन कमीशन ऑफ इण्डिया की अनुविहित तथा अन्य निर्वाचन सम्बन्धी विज्ञप्तियां
भारत निर्वाचन आयोग
निर्वाचन सदन, अशोक रोड, नई दिल्ली-110001
अधिसूचना
16अक्टूबर , 2024 ई 0
सं.52/ 2024 / एसडीआर/ खंड-॥- लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम , 1951 की धारा 60 के खंड (ग ) के उपबंधों के अनुसरण में निर्वाचन आयोग एतद्दवारा विनिर्दिष्ट करता है कि 85 वर्ष से अधिक आयु के निर्वाचक और शारीरिक निःशक्तता (बेंचमार्क) वाले निर्वाचक , जिन्हें राज्य की निर्वाचक नामावलियों के डाटा बेस में पहले से ही चिह्नित / इंगित किया गया हो, और जो डाक मतपत्र द्वारा मतदान करने के लिए आवेदन करते हैं और जो संबंधित रिटर्निंग अधिकारी द्वारा उसके अनुरोध के सत्यापन की शर्त के अधीन हैं, निर्वाचनों का संचालन नियम , 1961 के भाग- ॥क के प्रावधानों के अनुसार, लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 30 के अंतर्गत 18.10.2024 और 22.10.2024 को अधिसूचित होने वाले झारखंड और महाराष्ट्र विधानसभाओं के वर्तमान साधारण निर्वाचनों एवं 2 संसदीय निर्वाचन क्षेत्रों और 48 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों के उप निर्वाचनों (अनुलग्नक 1 के अनुसार) के लिए डाक मतपत्र द्वारा मतदान करने के लिए व्यक्तियों की एक श्रेणी होंगे ।
47-ट 48
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 7
ELECTION COMMISSION OF INDIA
Nirvachan Sadan , Ashoka Road , New Delhi - 110001
NOTIFICATION
16thOctober, 2024
No.52/ 2024 / SDR/ Vol.II -- In pursuance of the provisions of clause ( c) of Section 60 of the Representation of the People Act , 1951 , the Election Commission hereby specifies that the elector above the age of 85 years and elector with physical disability ( benchmark ) as already marked/flagged in the data base of the electoral rolls of the State and , who requests for voting by postal ballot paper and subject to the verification of his request by Returning Officer concerned , would be a class of persons to give his vote by postal ballot in the current general elections to the Legislative Assemblies of Jharkhand & Maharashtra and bye elections to 2 Parliamentary Constituencies and 48 Assembly Constituencies ( as per Annexure - 1 ) , to be notified on 18.10.2024 & 22.10.2024 under Section 30 of the Representation of the People Act , 1951 , as per the provisions in Part - IIIA of the Conduct of Elections Rules1961 .
अधिसूचना
16 अक्टूबर , 2024 ई ०
सं .52/ 2024 / एसडीआर / खंड-II- लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम , 1951 की धारा 60 के खंड (ग ) के उपबंधों के अनुसरण में निर्वाचन आयोग एतद्दवारा विनिर्दिष्ट करता है कि सक्षम प्राधिकारी द्वारा प्रमाणित कोविड-19 संदिग्ध या प्रभावित ऐसे व्यक्ति, जो डाक मतपत्र द्वारा मतदान करने के लिए आवेदन करते हैं और जो संबंधित रिटर्निंग अधिकारी द्वारा उसके अनुरोध का सत्यापन किए जाने की शर्त के अधीन हैं, इस विषय पर निर्वाचन आयोग द्वारा निर्गत निर्देशों एवं दिशानिर्देशों के साथ पठित , विधि एवं न्याय मंत्रालय, भारत सरकार की अधिसूचनां का.आ.सं. 1964 (अ.) दिनांक 19 जून , 2020 के जरिए यथासंशोधित , निर्वाचनों का संचालन नियम, 1961 के भाग - ॥क, के उपबंधों के अनुसार लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 30 के अंतर्गत 18.10.2024 और 22.10.2024 को अधिसूचित किए जाने वाले झारखंड और महाराष्ट्र विधानसभाओं के वर्तमान साधारण निर्वाचनों एंव 2 संसदीय निर्वाचन क्षेत्रों और 48 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों के उप निर्वाचनों (अनुलग्नक -1 के अनुसार) के लिए डाक मतपत्र द्वारा मतदान करने के लिए व्यक्तियों की एक श्रेणी होंगे ।
आदेश से ,
एस०बी० जोशी, प्रधान सचिव ।
आज्ञा से , डॉ० बी०वी०आर० सी० पुरुषोत्तम, मुख्य निर्वाचन अधिकारी , उत्तराखण्ड ।
भाग 7]
49 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत)
NOTIFICATION
16thOctober, 2024
No.52 / 2024 / SDR/Vol.II -- In pursuance of the provisions of clause ( c) of Section 60 of the Representation of the People Act , 1951 , the Election Commission hereby specifies that the Covid-19 suspect or affected person , certified by competent authority, who applies for voting by postal ballot paper, and subject to verification of his request by the Returning Officer concerned , would be a class of persons to give his vote by postal ballot in the current general elections to the Legislative Assemblies of Jharkhand & Maharashtra and bye elections to 2 Parliamentary Constituencies and 48 Assembly Constituencies ( as per Annexure - 1 ) scheduled to be notified on 18.10.2024 & 22.10.2024 under Section 30 of the Representation of the People Act , 1951 , as per the provisions in Part - IIIA of the Conduct of Elections Rules , 1961 , as amended vide Ministry of Law & Justice , Govt . of India , Notification So No. 1964 ( E ) , dated 19th June , 2020 read with the directions and guidelines issued by the Election Commission on the Subject .
By Order, S.B.JOSHI , Principal Secretary.
ByOrder, DR . B.V.R.C. PURUSHOTTAM , Chief Electoral Officer, Uttarakhand.
पी०एस०यू० (आर० ई०) 43 हिन्दी गजट / 467- भाग 7-2024 (कम्प्यूटर / रीजियो) । मुद्रक एवम् प्रकाशक- अपर निदेशक , राजकीय मुद्रणालय, उत्तराखण्ड, रुड़की ।
पंजीकरण संख्या- UA/ DO / DDN /30 / 2024-2026
सरकारी गजट, उत्तराखण्ड
उत्तराखण्ड सरकार द्वारा प्रकाशित
रुड़की, शनिवार, दिनांक 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
भाग 8
सूचना एवं अन्य वैयक्तिक विज्ञापन आदि
सूचना
मेरे शैक्षिक प्रमाण पत्रों में मेरा नाम प्रेरणा सिंह दर्ज है । लेकिन सन्यास धारण करने के पश्चात मैंने अपना नाम प्रेरणा सिंह से बदलकर योगिनी शिवाग्नि नाथ कर लिया था । जो कि मेरे आधार कार्ड नंबर-922617446631 , पैन कार्ड- DAOPS6135K व पासपोर्ट- Z7399530 में भी दर्ज है । अब निजी कारणों से मैं अपना नाम योगिनी शिवाग्नि नाथ से बदलकर पुनः अपना पुराना नाम - प्रेरणा सिंह करना चाहती हूँ । भविष्य में मुझे प्रेरणा सिंह पुत्री श्री ओम प्रकाश सिंह के नाम से जाना पहचाना व पुकारा जाए ।
समस्त विधिक औपचारिकताऐं मेरे द्वारा पूर्ण कर ली गई हैं ।
प्रेरणा सिंह पुत्री श्री ओम प्रकाश सिंह
निवासी-02, प्रिय लोक कालोनी सेवलाकला,
माजरा देहरादून, उत्तराखण्ड ।
359- ट 360
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
कार्यालय नगर पंचायत, नानकमत्ता (ऊधम सिंह नगर)
विज्ञप्ति
02मार्च , 2022 ई०
पत्रांक 356 / न0पं 0 / सैप्टेज मैनेजमेंट / 2022 - सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि, माननीय राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण द्वारा आवेदन सं0-10 / 2015 दिनांक-10.12.2015 के आदेश के अनुपालन में एवं नगर पालिका अधिनियम 1916 ( यथाप्रवृत्त उत्तराखंड राज्य में) की धारा 276 में दिए गये प्राविधानों के अनुसार तथा धारा 298 के खण्ड झ (घ) ञ (घ) में दी गयी उपनियम बनाये जाने की शक्तियों का प्रयोग करते हुए तथा धारा -301 के अंतर्गत दी गयी शक्ति के अनुसार उपविधि का प्रकाशन कराने हेतु नगर पंचायत नानकमत्ता (ऊ० सि० नगर) की बोर्ड बैठक दिनांक 05 जुलाई 2021 के प्रस्ताव सं0-02 द्वारा सर्वसम्मति से पारित प्रस्ताव के अनुसार उपनियम "प्रोटोकॉल फॉर सेप्टेज मैनेजमेंट " उपनियम-2020 बनाये जाने की स्वीकृति उपरान्त यह विज्ञप्ति इस आशय से आपत्ति / सुझाव चाहने हेतु प्रकाशित की जा रही है , जिन व्यक्तियों पर इसका प्रभाव पडने जा रहा है
अतः लोकहित में सुविधा, सुरक्षा एवं नियंत्रण व विनियमन करने हेतु प्रोटोकॉल फॉर सेप्टेज मैनेजमेंट उपनियम-2020 में यदि किसी संस्था, व्यक्ति, व्यक्ति विशेष, फर्म उद्योग , को कोई आपत्ति/ सुझाव हो तो वे इस विज्ञप्ति की प्रकाशन तिथि से 30 दिन के भीतर अपनी लिखित आपति कार्यालय नगर पंचायत नानकमत्ता में प्रस्तुत कर सकता है, समय अवधि पश्चात प्राप्त होने वाली आपत्ति अथवा सुझाव पर किसी भी दशा में विचार नहीं किया जा सकेगा। जो निमन्वत हैं-
1 - संक्षिप्त नाम और लागू होने की तारीख यह उपनियम नगर पंचायत नानकमत्ता "प्रोटोकॉल फॉर सेप्टेज मैनेजमेंट" उपनियम -2020 , नियमावली कहलायेगी , जो कि विज्ञप्ति सरकारी गजट उत्तराखण्ड में प्रकाशित होने की तिथि से प्रभावी होगी। यह उपनियम नगर पंचायत नानकमत्ता की सीमा के भीतर लागू होंगे ।
2- नगर पंचायत नगर पंचायत का आशय नगर पंचायत नानकमत्ता जिला ऊधम सिंह नगर के 07 वार्डों की सीमा से है।
3- अधिशासी अधिकारी अधिशासी अधिकारी का आशय नगर पंचायत नानकमत्ता के कार्यपालक अधिकारी से है ।
4- अध्यक्ष अध्यक्ष का आशय नगर पंचायत नानकमत्ता के निर्वाचित बोर्ड के अध्यक्ष से है, बोर्ड के कार्यपालक समाप्त हो जाने पर अध्यक्ष के स्थान पर उपजिलाधिकारी , अध्यक्ष के रूप में प्रभारी अधिकारी से हैं।
5- सेप्टेज मैनेजमेंट सेल सेप्टेज मैनेजमेंट सेल का आशय नगर पंचायत नानकमत्ता में सरकारी सेवा के शासन द्वारा नामित अधिकारियों के समूह की एक गठित इकाई से है , जो कि सेप्टेज मैनेजमेन्ट सेल कहलायेगा । जिसके अध्यक्ष, उपजिलाधिकारी , सितारगंज होंगे तथा अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत नानकमत्ता सदस्य सचिव होंगे और अधिशासी अभियन्ता उत्तराखण्ड पेयजल निगम खटीमा , अधिशासी अभियन्ता उत्तराखण्ड जल संस्थान सितारगंज, मुख्य चिकित्साधिकारी / प्रभारी अधिकारी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र सितारगंज एवं अवर अभियन्ता नगर पंचायत नानकमत्ता नामित सदस्य होंगे ।
1. प्रसंग - राष्ट्र का यह अनुभव रहा है , कि सेप्टिक टैंक और अवधीय जो डिजाइन से सम्बन्धित है, स्थानीय संस्थानों द्वारा वर्षों से अनुपालन किया जा रहा है, जिसके सफल संचालन हेतु कुशल प्रबंधन की आवश्यकता है । यह. महत्वपूर्ण है कि नगर में एक उचित वैज्ञानिक प्रबंध के मामलों में सेप्टेज तकनीकि का अनुपालन किया जाता है ताकि पर्यावरण की सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए सेप्टेज /फीकल स्लज सेप्टिक टैंक गड्ढे शौचालय पर्यावरण नदी एवं अन्य पानी आदि स्रोत को प्रदूषित न करें।
भाग 8]
361 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
1.1 , राष्ट्रीय 'फ्रीकल स्लज एवं सेप्टेज प्रबन्धकीय नीति - इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम को सफल बनाने हेतु शहरी विकास मंत्रालय भारत सरकार ने एक फॉर्मूला प्रकाशित किया है । राष्ट्रीय फीकल स्लज एवं सेप्टेज प्रबन्धकीय नीति वर्ष 2017 में इस दृष्टिकोण के साथ कि समस्त भारतीय शहर और नगर पूर्ण रूप से स्वच्छ तन्दुरुस्त और जीवित बने रहें एवं अच्छी सफाई भी बनी रहे तथा प्रदूषण से मुक्ति मिल सकें जिसके साथ उन्नत स्थल स्वच्छता सेवा साथ ही फीकल स्लज और सेप्टेज प्रबन्धन, ताकि सार्वजनिक उत्कृष्ट स्वास्थ्य स्तर को अधिकतम प्राप्त किया जा सके और स्वच्छ वातावरण बना रहे , जिसमें विशेषकर गरीबों पर ध्यान केन्द्रित किया जाये । शहरी नीति का मुख्य उद्देश्य एक स्वस्थ वातावरण प्रसन्न प्राथमिकता और दिशा निर्धारित करना है, ताकि राष्ट्रव्यापी अनुपालन इन सेवाओं का समस्त क्षेत्र में हो सके जैसे कि सुरक्षित और स्थाई सफाई व्यवस्था एक वास्तविकता प्रत्येक आय परिवार के लिए गलियों में नगर में और शहरों में बनी रह सकें ।
उत्तराखण्ड में सेप्टेज प्रबंधक प्रोटोकॉल
1.2 माननीय एन ०जी ०टी० के आदेश संख्या- 10/2005 दिनांक 10.12.2015 में निम्न निर्देश निर्गत किए गए हैं । जो कि उत्तराखण्ड में सेप्टेज प्रबन्ध के सम्बन्ध में है । "उचित प्रबन्ध योजना या प्रोटोकॉल तैयार किया जायेगा और राज्य सरकार द्वारा समस्त एजेंसी द्वारा सूचित किया जायेगा, यह आशान्वित करने के लिए कि सीवरेज की निकासी जो सामान्य सेप्टिक टैंक में या बायोडाईजेस्टर में एकत्रित की जाती है नियमित रूप से खाली की जाये और उसका समुचित प्रबन्ध किया जाये । इसके परिणामस्वरूप इस प्रकार जो खाद एकत्रित हुई है वह निःशुल्क किसानों को वितरित की जाये और इस उद्देश्य हेतु राज्य प्रशासन एक भागीदारी सम्बन्धित निकाय नगर पंचायत नानकमत्ता की होगी । उपरोक्त के अनुपालन में जलापूर्ति एवं सीवरेज अधिनियम 1975 / नगर पालिका अधिनियम 1916 शहरी विकास निदेशालय जो कि उत्तराखण्ड जल संस्थान के समन्वय से होगा उन्होंने एक प्रोटोकॉल सेप्टेज प्रबन्ध तैयार किया है जो कि सचिव शहरी विकास विभाग उत्तराखण्ड सरकार द्वारा सूचित किया गया है । ताकि इसका अनुपालन शहरों/ नगरों में हो सके आदेश सं ० 597 / ( IV ( 2 ) - श ०वि०-2017 ' - 50 ( सा० ) / 16 दिनांक 22.05.2017 राज्य का सेप्टेज प्रबन्धन बना रहे जो कि एकत्रीकरण , परिवहन, उपचार सेप्टेज इस प्रोटोकॉल के है । कि राज्य के शहरी अधिकारियों को योग्य बनाया जाये कि वे अपने निकाय में सेप्टेज प्रबन्धन का उच्चीकरण कर सकें और परियोजना के पूर्ण विनियोग की पहचान कर सकें और इस प्रोटोकॉल के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए और आंतरिक विभागीय समन्वय हेतु एक "सेप्टेज मैनेजमेंट सेल " का गठन का आयोजन किया गया जिसके अंतर्गत नगर पंचायत नानकमता पेयजल निगम , जल संस्थान होंगे।
2 नगरीय उपकानून / " फीकल स्लज एवं सेप्टेज का नियमितिकरण " - सेप्टेज प्रबन्ध प्रोटोकॉल के अनुसार जो शहरी विकास विभाग उत्तराखण्ड सरकार के शा ०सं०- 597/ IV ( 2 )-श ० वि०-2017-50 ( सा० ) 16 दिनांक 22.0 5.2017 एवं समस्त लागू होने वाले नियम या कानून या समय- समय पर शासन द्वारा संशोधित नियम या नियमावली नगर पंचायत नानकमत्ता नियमित ढांचा को रिक्त करने, एकत्र करने, परिवहन , सेप्टेज और फीकल स्लज के परिवहन एवं निस्तारण हेतु जैसा कि वर्णित है । फीकल स्लज एवं सेप्टेज प्रबन्धन उपनियम के अंतर्गत जो कि यहां स्वीकृत किया जाता है और इसके अनुपालन हेतु नगर पंचायत नानकमत्ता के क्षेत्राधिकार के अंतर्गत सूचित किया जाता है ।
3 उद्देश्य एवं कार्यक्षेत्र - इस नियमावली के उद्देश्य एवं कार्य निम्नवत है -
( क) - निर्माण सेप्टिक टैंक के दैनिक रखरखाव और शौचालय के गड्ढे परिवहन इलाज और सुरक्षित रखरखाव जो कि स्लज और सेप्टेज से सम्बन्धित है।
362
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
...(ख) - बच्चों को टैंक के ढक्कन अथवा किट से दूर रखा जाये ताकि वे टैंक के स्क्रू और ताले से सुरक्षित रहें, कर्मचारी सावधान रहेंगे जब मल निस्तारण प्रक्रिया चल रही हो जो कि ढक्कन पर अधिक भार हेतु है या मेन होल का आच्छादन टूटने से बचा रहे ।
6 सेप्टेज खाली करना और वाहन के पंजीकरण का परिवहन -
6.1 नगर पंचायत नानकमता परिवहन वाहन को दर्ज करेगा और इसका लाइसेन्स निर्गत करेगा निजी व्यवसायियों के लिए जिनके पास मशीनीकरण खाली करना और परिवहन गाड़ी उपलब्ध हो तो इस प्रकार का लाइसेन्स निर्गत करने से पूर्व यह आशान्वित करेगा यह वाहन उचित उपकरण और उचित सुरक्षा माप से सुसज्जित है तथा मानकों के अनुरूप है सेप्टेज ट्रांसपोर्ट को अपने वाहन का पंजीकरण कराने हेतु नगर पंचायत नानकमत्ता के समक्ष प्रार्थना पत्र प्रस्तुत करना होगा जिसके साथ वाहन परमिट प्रपत्र व परमिट प्रपत्र की प्राप्ति प्रार्थना-पत्र के साथ संलग्न करना होगा ।
6.2 नगर पंचायत नानकमत्ता सीमांतर्गत कोई भी व्यक्ति या वाहन पंजीकृत सेप्टेज ट्रांसपोर्ट द्वारा ही प्रयोग किया जायेगा। जो कि एकत्रीकरण परिवहन एवं सेप्टेज के प्रयोजन हेतु अनुमन्य है । जब तक कि इसका पंजीकरण सेप्टेज ट्रांसपोर्ट व्हीकल एस ० एम ०सी ० के साथ इन प्रोटोकॉलों में पंजीकृत नहीं है।
सारणी 1 पंजीकरण व्यय
अ- प्रारम्भिक पंजीकरण
रु 2000 = 00 प्रतिवाहन /गाड़ी
ब- वार्षिक नवीनीकरण
रु 1500-00 प्रतिवाहन/गाड़ी
स- नाम परिवर्तन/स्वामित्व का परिवर्तन
रु 1000 = 00 प्रतिवाहन/गाडी
द- अन्य संशोधन आवश्यकता अनुसार
रु 1500-00 प्रतिवाहन /गाड़ी
(समस्त लागत दर 10 प्रतिशत वार्षिक की दर से बढ़ेगा )
7 - उपभोक्ता लागत और इसका संचय
7.1 इस क्षेत्र के समस्त मालिक जो सेप्टिक टैंक और शौचालय के गड्ढे जिनका भुगतान उपभोक्ता करेगा जैसा कि नगर पंचायत नानकमत्ता में फीकल स्लज और सेप्टेज उपनियम में समय - समय पर दर्शाया गया है । जो कि सेप्टिक टैंक के भरने शौचालय के गड्ढे परिवहन और फीकल स्लज एवं सेप्टेज के उपयोग हेतु है ।
7.2 नगर पंचायत नानकमत्ता अपनी लागत से संशोधित करेगा जो कि समय- समय इससे संबंधित है । ऐसी उपयोगिता लागत परिवहन फीकल स्लज व सेप्टेज के निष्कासन हेतु है ।
7.3 उपभोक्ता लागत क्षेत्र विशेष के स्थायी एकत्र किए जाए जो निम्नवत है ।
\ (अ) नानकमत्ता के कोष में जमा किया जाएगा जो कि सम्बन्धित भवन/ सेप्टिक मालिक से वसूल किया जाएगा । उपभोक्ता लागत प्रत्येक रूप से नगर पंचायत नानकमत्ता द्वारा वसूल किया जायेगा या नगर पंचायत
(ब ) - उपभोक्ता लागत को मासिक सिंचाई लागत या संपत्ति कर में जोड़ा जाएगा अथवा एक विशेष नगरीय पर्यावरण फीस भुगतान जैसे कि कार्यक्रम के अंतर्गत होगा, करना होगा ।
भाग 8]
363
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
सारणी -2 उपभोक्ता लागत
भवन का वर्ग
प्रति यात्रा लागत क्र० स०
सेप्टिक टैंक एवं शौचालय गड्ढे हेतु निर्धारित है। किराये कि अधिकतम अवधि जो
1 टिन शैड वाला मकान
2 अन्य समस्त मकान
2500 = 00
2500 = 00 3 दुकान
4 सरकारी/निजी कार्यालय
5 बैंक
मासिक दण्ड 5 प्रतिशत की दर सामान्य लागत के लिए जो कि निर्धारित निस्तारण के अनुपालन हेतु होगा ।
50 = 00
125= 00
125= 00
100 = 00
कम से कम 2-3 वर्ष में एक बार जब 2 टैंक होते हैं 2/3 भाग जो भी पहले भरा जाये कम से कम प्रत्येक 2 वर्ष में एक बार ।
3500-00
6 सामुदायिक शौचालय /मूत्रालय
7 रेस्टोरेंट
3500 = 00 ४ होटल/ गेस्ट हाउस (1-10 कमरे )
3500 = 00 9 धर्मशाला ( 1-25 कमरे )
10 सरकारी स्कूल/कॉलेज
2500 = 00 11 निजी स्कूल/कॉलेज
12 व्हीकल शोरूम
3500= 00 13 विवाह हॉल/बैंक्ट हॉल
14 बार
3500-00
15 सरकारी हॉस्पिटल
16 नर्सिंग होम/क्लिनिक
17 पैथोलॉजी लैब
3500-00 18 निजी अस्पताल 20 बैड तक
19 चावल मिल/अन्य मिल
175= 00
150 = 00
100 = 00
175 = 00
175= 00
100 = 00
125= 00
100 = 00
175 = 00
175-00
150-00
150-00
150 = 00
175=00
150-00
नोट- उपरोक्त उपभोक्ता व्यय सांकेतिक है , उनका निर्णय और स्वीकृति नगर पंचायत नानकमत्ता द्वारा निर्गत किया जाएंगे ।
2 मल निस्तारण समयावधि में होगा, या जब टैंक 2/3 की आपूर्ति कर देता है । ( जैसा कि नगर पंचायत नानकमत्ता द्वारा स्वीकृत है )
3 उपभोक्ता लागत 5 प्रतिशत वार्षिक दर से बढ़ाई जायेगी ।
8 मैकेनिज्म का निरीक्षण , क्रियान्वयन और मजबूती देना -
8.1 कोई भी व्यक्ति जो कि एस ० एम ०सी० ( सेप्टेज मैनेजमेंट सेल )/नगर पंचायत नानकमत्ता द्वारा अधिकृत है उसको पूर्ण अधिकार होगा कि वह सेप्टिक टैंक एवं हर एक मकान के शौचालय , गड्ढे या सामुदायिक/ संस्थागत आदि का निरीक्षण करेगा ।
8.2 मल निस्तारण का अनुपालन न करना जैसा कि उपरोक्त वर्णित है जुर्माना अलग से लगाया जायेगा और जुर्माने से प्राप्तं धनराशि नगर पंचायत कोष में जमा होगी ।
364
उत्तराखण्ड गजट, 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
8.3 , नगर पंचायत नानकमत्ता क्षेत्र के टैंक के खाली होने का अभिलेख रखेंगे ।
8.4 अवचेतना कार्यक्रम समय- समय पर चलाया जाएगा जो कि प्रत्येक व्यक्ति सरकार या निजी व्यवसाय के प्रशिक्षण हेतु होगी । जो कि सेप्टिक टैंक, बायोडाइजेस्टर मल निस्तारण सेप्टिक टैंक का एकत्रीकरण , मशीनरी , परिवहन निष्पादन और सेप्टेज का इलाज ।
9 दण्ड दण्ड का ढांचा उपकरण रहित/अकार्यशील जी०पी ० एस ० प्रणाली निर्धन वर्ग की शिकायतें फीकल स्लज का एकत्र न करना और सेप्टेज ईलाज प्लांट/आर ०एन ०एल ० का रजिस्ट्रेशन न करना सुरक्षित उपाय मल निस्तारण गाड़ियों का अनुपालन न करना।
सारणी- 3 दण्ड
शिकायत का प्रकार
क्र० सं०
दण्ड या कार्यवाही वर्ष में तीन बार पकड़ी गयी विशेष रूप से मूल निस्तारण वाहन
दण्ड या कार्यवाही प्रपत्र दृष्ट्या पकड़ी गई वर्ष में एक बार मल निस्तारण वाहन
दण्ड या कार्यवाही वर्ष में दोबारा पकड़ी गयी मल निस्तारण वाहन से सम्बन्धित
1
2500 = 00
लोगों की सोचनीय सेवा की शिकायत
2
तीन महीने के लिए परमिट सेवा की शिकायत पर परमिट का निस्तारण
सेप्टेज /फीकल स्लज जैसा कि विशेष कार्य क्षेत्र में
6 माह के लिए परमिट को स्थगित करना
3 पंजीकरण न करना / पंजीकरण का नवीनीकरण न करना
आर ०टी ०ओ ० को संस्तुति वाहन के पंजीकरण को निरस्त करने हेतु 3 महीने के लिए परमिट को स्थगित करना/ परमिट का निरस्तीकरण के लिए स्थगित करना ।
भाग 8]
365 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई ० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
शास्तिदण्ड
नगर पंचायत नानकमत्ता (ऊधम सिंह नगर ) की सीमांतर्गत "प्रोटोकॉल फॉर सेप्टेज मैनेजमेन्ट" के अनुपालन हेतु माननीय राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण द्वारा आवेदन सं० 10/2015 दिनांक 10.12.2015 के आदेश के अनुपालन में तथा नगर पालिका अधिनियम 1916 की धारा 299 ( 1 ) में प्रदत्त अधिकार एवं शक्तियों का प्रयोग करते हुए ऐसे नगरवासी जो " प्रोटोकॉल फॉर सेप्टेज मैनेजमेन्ट" की उपविधि की किसी भी धार का उल्लंघन करेगा अथवा करता हुआ पाया जाएगा , दोषसिद्धि पाए जाने पर रु 5000-00 ( पाँच हजार ) का अर्थ दण्ड किया जाएगा उल्लंघन निरंतर जारी रहा तो प्रथम दोष सिद्ध होने की स्थिति में रु 5000-00 (पाँच हजार ) के अतिरिक्त प्रतिदिन रु 100 = 00 ( एक सौ ) की दर से अतिरिक्त अर्थदण्ड आरोपित किया जाएगा । अन्यथा सम्बन्धित के विरुद्ध न्यायालय में वाद दायर किया जाएगा । उस पर होने वाले समस्त व्यय भार हर्जे खर्चे की वसूली भू- राजस्व की भांति वसूल की जाएगी। विवाद होने की स्थिति में न्यायालय क्षेत्र जिला ऊधम सिंह नगर होगा।
अभिनव कुमार, अधिशासी अधिकारी,
नगर पंचायत नानकमत्ता , ऊधम सिंह नगर ।
प्रेम सिंह टुरना, अध्यक्ष, नगर पंचायत नानकमत्ता, ऊधम सिंह नगर ।
366
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
कार्यालय नगर निगम , देहरादून
सार्वजनिक सूचना
11 जून, 2024 ई०
पत्र सं ० 150 / ध्वनि ० प्रदू० / 2024-25- पर्यावरण संरक्षण एवं जलवायु परिवर्तन अनुभाग , उत्तराखण्ड शासन, देहरादून की अधिसूचना सं0 55 / XXXVII - 1-21-08 {15 } 2020 दिनांक 09 जून, 2021 में अधिसूचित व्यवस्था के आधार पर नगर निगम के निम्न क्षेत्रों को शांत क्षेत्र, आवासीय क्षेत्र , वाणिज्य क्षेत्र एवं औद्योगिक क्षेत्र घोषित करने, पर्यावरण का उल्लंघन करने तथा उन पर नियन्त्रण / शास्ति करने के उद्देश्य से नगर निगम अधिनियम की धारा 541 में प्रायोजित शक्ति के अधीन नगर आयुक्त, नगर निगम देहरादून के अनुमोदन पश्चात् ध्वनि प्रदूषण नियन्त्रण उपविधि बनायी जाती है । उपविधि का प्रकाशन आपत्ति एवं सुझाव आमन्त्रित करने के उद्देश्य से किया जा रहा है ।
विधिमान्य समाचार पत्र में उपविधि के प्रकाशन की तिथि के 15 दिनों के भीतर लिखित सुझाव एवं आपत्तियाँ नगर आयुक्त एवं सहायक नगर आयुक्त / विहित प्राधिकारी (ध्वनि प्रदुषण) नगर निगम, देहरादून को प्रेषित की जायेगी । बाद अवधि प्राप्त आपत्तियों एवं सुझावों पर कोई विचार / निर्णय नहीं किया जायेगा।
ध्वनि प्रदूषण नियन्त्रण उपविधि-2024
अध्याय-1
सामान्य
1- संक्षिप्त शीर्षक, प्रारम्भ, विस्तार
1-
2-
यह उपविधि नगर निगम, देहरादून घ्वनि प्रदूषण नियन्त्रण उपविधि-2024 कहलाएगा ।
यह उपविधि राजपत्र में प्रकाशन की तिथि से प्रवत्त होगा ।
3-
यह उपविधि नगर निगम, देहरादून की सम्पूर्ण सीमा क्षेत्र मे लागू होगा ।
2- परिभाषाएं
सीमा का तात्पर्य नगर निगम, देहरादून की अधिसूचित सीमा से है ।
प्राधिकारी का तात्पर्य , नगर निगम के उच्च अधिकारी द्वारा ध्वनि प्रदुषण की कार्यवाही के
लिये नामित अधिकारी से है ।
3-
अपीलीय अधिकारी का तात्पर्य अपर नगर आयुक्त एवं नगर आयुक्त नगर निगम, देहरादून से है ।
भाग 8]
367 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई ० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत)
3- क्षेत्रों का निर्धारण
पर्यावरण संरक्षण एवं जलवायु परिवर्तन अनुभाग उत्तराखण्ड शासन, देहरादून की अधिसूचना सं० 55/XXXVII - 1-21-08 ( 15) 2020 दिनांक 09 जून, 2021 मे अधिसूचित व्यवस्था के आधार पर नगर निगम, देहरादून के निम्न क्षेत्रों को शांत क्षेत्र, आवासीय क्षेत्र, वाणिज्य क्षेत्र एवं औद्योगिक क्षेत्र के रूप में एतत् द्वारा घोषित किया जाता है ।
1. शांत क्षेत्र/जोन
(1) इसमें नगर निगम , देहरादून की सीमा में स्थित जिला न्यायालय, अस्पताल, मैडिकल कॉलेज, शैक्षिक संस्थान , इंडियन मिलिटरी ऐकडमी (भारतीय सैन्य अकादमी ), वन अनुसंधान संस्थान (एफ ०आर०आई०) क्षेत्र, मूक बधिर संस्थान, विंकलांग संस्थान, दृष्टिहीन संस्थान, के न्यूनतम 100 मीटर के परिक्षेत्र ।
(II) नगर निगम, देहरादून की सीमा में पड़ने वाले संरक्षित वन क्षेत्र व सरकार द्वारा भारतीय वन अधिनियम, 1927 के अन्तर्गत अधिसूचित कोई अन्य वन क्षेत्र ।
(III) सुसंगत नियमों के अन्तर्गत सरकार द्वारा अधिसूचित राज्य / अन्तर्राष्ट्रीय महत्व वाली धरोहर/ पुरातत्व स्थल
2. आवासीय क्षेत्र/जोन
(1) इसमें नगर निगम, देहरादून की सीमा में आवासीय कॉलोनी, आवासीय अर्पाटमेन्ट्स, एवं मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण द्वारा किसी जोनल / मास्टर प्लान केअन्तर्गत चिन्हित /अधिसूचित आवासीय क्षेत्र अथवा राज्य सरकार द्वारा समय- समय पर सुसंगत नियमों के अन्तर्गत किसी सरकारी परियोजना के अन्तर्गत आवासीय क्षेत्र के रूप में चिन्हित/अधिसूचित आवासीय क्षेत्र एवं कोई आवासीय कॉलोनी, ग्रुप हाउसिंग कॉलोनी ।
(11) नगर निगम, देहरादून की सीमा में जोनल क्षेत्र / मास्टर प्लान या किसी सरकारी परियोजना के अन्तर्गत कृषि क्षेत्र, बागवानी क्षेत्र व अन्य क्षेत्र के अर्न्तगत आच्छादित क्षेत्र को छोड़कर ।
(III) नगर निगम, देहरादून की सीमा में ध्वनि प्रदुषण के उद्देश्य से घोषित शांत क्षेत्र/जोन, वाणिज्य क्षेत्रों, ओद्योगिक क्षेत्रों को छोडकर सभी क्षेत्र ।
3. वाणिज्य क्षेत्र /जोन
(1) इसमें नगर निगम, देहरादून की सीमा में स्थित पल्टन बाजार, तिब्बती मर्मोट, इन्दिरा मार्केट, राजपुर रोड वार्णिज्य क्षेत्र, समस्त वोडिंग जोन, नगर के मुख्य मागों पर वाणिज्य संस्थानों के क्षेत्र, तथा मूसरी देहरादून विकास प्राधिकरण अथवा राज्य सरकार द्वारा समय- समय पर सुसंगत नियमों के अन्र्तगत वाणिज्यक क्षेत्र में रूप मे अधिसूचित क्षेत्र ।
4. औधोगिक क्षेत्र/जोन
(1) नगर निगम, देहरादून की सीमा में राज्य सरकार के उद्योग विभाग, मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण, सिडकुल, अथवा अन्य किसी सक्षम प्राधिकारी द्वारा सुसंगत नियमों के अन्र्तगत औद्योगिक क्षेत्र के रूप में अधिसूचित क्षेत्र ।
(1 ) नगर निगम, देहरादून की सीमा मे ऐसे क्षेत्र जहाँ संक्षम प्राधिकारी द्वारा भूमि के उपयोग को बदल कर राज्य/ नगर में विभिन्न औद्योगिक ईकाईयों की स्थापना के रूप में परिवर्तित किया गया हो ।
परन्तु:-(i ) मिश्रित उपयोग के भौगोलिक क्षेत्र को आवासीय / वाणिज्यिक /औद्योगिक के रूप से प्रयोग किया जाने के मामले में, जिलाधिकारी को उक्र क्षेत्र को स्थानीय विकास प्राधिकरणों / स्थानीय निकायों / स्थानीय पंचायतों के परामर्श से आवासीय / वाणिज्यिक / औद्योगिक में वर्गीकरण करने हेतु अधिकृत किया जाता है ।
368
उत्तराखण्ड गजट, 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
(ii) यदि कोई व्यक्ति, जिलाधिकारी द्वारा खण्ड 5 (i) के अन्तर्गत लिये गये निर्णय से संतुष्ट नहीं है, तो वह निदेशक, राज्य पर्यावरण, संरक्षण एवं जलवायु परिवर्तन निदेशालय, उत्तराखण्ड के समक्ष अपील कर सकेगा । क्षेत्र/जोन के वर्गीकरण के सम्बन्ध में अपीलीय प्राधिकारी द्वारा लिया गया निर्णय अन्तिम होगा ।
(iii) औद्योगिक क्षेत्र /जोन हेतु ध्वनि के मानक खनन क्षेत्र / स्टोन क्रशर के संचालन हेतु भी सक्षम प्राधिकारियों से अनुमति प्राप्त करने के उपरान्त लागू होंगे ।
अपवादः ऐसी किसी भी प्रक्रिया के संचालन में, जो सरकार के हित में अथवा किसी सार्वजनिक आपातकाल अथवा किसी व्यक्ति, जीव की प्राणरक्षा अथवा चुनावी प्रक्रिया अथवा राष्ट्रीय / राज्य उत्सव के दौरान विभिन्न क्षेत्रों /जोनों हेतु निर्धारित ध्वनि का स्तर इस दशा में मान्य नहीं होगा ।
4- वायु गुणवत्ता के ध्वनि के मानक
उक्त वर्गीकृत क्षेत्रों में ध्वनि के सम्बंध में परिवेशीय वायु गुणवत्ता के मानक उक्त नियम की अनुसूची में दिए अनुसार होंगे ? जो कि निम्नलिखित है:-
क्षेत्र/जोन
ध्वनि सीमा (डेसिबल -ए ) एल ०ई०क्यू०
दिन के समय (प्रातः 08:00 बजे से रात्रि 10:00 बजे तक)
रात्रि के समय ( रात्रि 10:00 बजे से प्रातः 06:00 बजे तक ) शांत क्षेत्र/जोन
50
40
आवासीय क्षेत्र/जोन
55
45
वाणिज्यिक क्षेत्र/जोन
65
55
औद्योगिक क्षेत्र /जोन
75
70
उपरोक्त मानकों के परिक्षण हेतु प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड अथवा क्षेत्रीय कार्यालय, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, देहरादून किसी भी ध्वनि प्रदूषण से सम्बंधित शिकायत के प्राप्त होने पर स्वयं अथवा नगर निगम के प्राधिकारी द्वारा सूचना दिए जाने पर एक सप्ताह के भीतर अपनी परिक्षण रिपोर्ट नगर निगम को दी जानी होगी । निगम द्वारा कार्यवाही किए जाने के पश्चात् और आरोपी द्वारा अनुपालन कर दिए जाने के पश्चात् भी क्षेत्रीय कार्यालय , प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, देहरादून द्वारा नगर निगम को सात दिन के भीतर पुनः परिक्षण रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी ।
5- हॉर्न एवं लाउडस्पीकर के उपयोग पर प्रतिबन्ध
1.
2.
सम्पूर्ण नगर निगम , देहरादून सीमा के अन्दर प्रेशर हॉर्न के उपयोग पर पूर्ण रूप से प्रतिबन्ध होगा । लाउडस्पीकर के साथ ध्वनि सीमक के निर्धारण हेतु गाइडलाईन / मानकः-
(क) सम्बन्धित प्राधिकारी किसी भी लाउडस्पीकर को खुले में संचालन हेतु सहमति प्रदान करते हुये यह सुनिश्चित करेगा कि संचालक द्वारा लाउडस्पीकर/ ध्वनि जनित करने वाले उपकरण में ध्वनि सीमक स्थापित करें, जिससे की ध्वनि सीमा निर्धारित मानकों के अन्तर्गत ही रहे । (ख) खुले स्थान में लाउडस्पीकर का प्रयोग ध्वनि सीमक के बिना नहीं किया जायेगा ।
3. शांत क्षेत्र व आवासीय क्षेत्र में किसी भी खुले स्थान कार्यक्रम में किसी भी महत्वपूर्ण परीक्षा जैसे- (स्कूल व कॉलेज की परीक्षा, राज्य स्तर द्वारा आयोजित मैडिकल / प्री- मैडिकल परीक्षा व ऐसी कोई भी प्रतियोगी परीक्षा जिसका आयोजन उत्तराखण्ड राज्य लोक सेवा आयोग / संघ लोक सेवा आयोग द्वारा राज्य/ नगर सीमा पर कराया जा रहा हो ) , जहाँ बड़ी संख्या में परीक्षार्थी सम्मिलित हों, के तीन दिन पूर्व से ऐसी परीक्षा के समाप्त होने तक लाउडस्पीकर के उपयोग हेतु किसी भी प्रकार की अनुमति प्रदान नहीं की जायेगी ।
6- उपविधि के नियमों के पालन एवं नियन्त्रण हेतु प्राधिकारी
नगर निगम सीमा के अन्तर्गत इस उपविधि के नियमों को लागू करवाने हेतु निगम के निम्न अधिकारियों को प्राधिकारी नियुक्त किया जाता है ।
क्र०
क्षेत्र
01 नगर निगम , देहरादून के नामित प्राधिकारी / सहायक नगर आंयुक्त सम्पूर्ण नगर निगम सीमा
7- प्राधिकारी की भूमिका
(0) उक्त उपविधि के नियमों एवं शर्तों का अनुपालन करने हेतु प्राधिकारी द्वारा नगर सीमान्तर्गत ध्वनि के संदर्भ में परीवेशीय वायु गुणवत्ता को मानको के अनुरूप रखने हेतु उपविधि के नियमों में प्रदत्त समस्त शक्तियों का पालन करवाएगा ।
भाग 8]
369
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई ० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
(ii) प्राप्त शिकायतों के अनुक्रम में उल्लंघनकर्ता के विरूद्ध उक्त नियम 5 के अन्तर्गत कार्यवाही करना, जिसमें शोर जनित करने वाले यंत्र को जब्त करना व इस अधिसूचना के खण्ड 10 के अन्तर्गत पर्यावरण क्षतिपूर्ति के रूप में जुर्मना अधिरोपित करना ।
8- घ्वनि प्रदुषण से र्यावरणीय क्षतिपूर्ति के रूप मे अधिरोपित किया जाने वाला जुर्माना तथा जुर्माना राशि का उपयोग
उक्त उपविधि में उल्लेखित नियमों/ शतों के उल्लंघन की दशा में पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति के रूप में निम्नानुसार जुर्माना अधिरोपित किये जाने हेतु उपविधि के नियम 6 में अधिकृत प्राधिकारी के द्वारा निम्न प्रकार जुर्माना अधिरोपित किया जाएगा । इस प्राधिकारी या उपविधि के गठन से उत्तराखण्ड पुलिस अधिनियम, 2007 में ध्वनि प्रदूषण के सम्बंध में अधिसूचित नियमों पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ेगा ।
श्रेणी
प्रथम उल्लंघन
व्यक्त्तिगत
धार्मिक उत्सवों, मनोरंजन कार्यक्रमों,
सांसकृतिक उत्सवों के संचालन इत्यादि
होटल, भोजनालयों, पब , बैनक्वैट हॉल्स इत्यादि
औद्योगिक इकाईयां, खनन कार्य इत्यादि
9- अपीलीय अधिकारी
द्वितीय उल्लंघन तृतीय या अधिक उल्लंघन
1,000/-
2,500/-
5,000/-
5,000/-
10,000/-
15,000/-
10,000/- 15,000/-
20,000/-
20,000/- 30,000/-
40,000/-
ध्वनि प्रदुषण के द्वारा पर्यावरण की क्षति के लिये सुसंगत नियमो के अधीन की गयी कार्यवाही , आरोपित जुर्माने की कार्यवाही के विरूद अपील की सुनवायी हेतू अपर नगर आयुक्त अथवा नगर आयुक्त अपीलीय अधिकारी होगे ।
ह० (अस्पष्ट)
नगर आयुक्त,
नगर निगम, देहरादून ।
० /-
जिलाधिकारी / प्रशासक,
नगर निगम , देहरादून ।
370
उत्तराखण्ड गजट, 28 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
कार्यालय नगर पंचायत नौगांव (उत्तरकाशी)
सार्वजनिक सूचना
18 सितम्बर , 2021 ई०
पत्रांक -78/ न०५०/उपविधि / 2021-22- सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है, माननीय राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण द्वारा आवेदन सं0-10 / 2015 में दिनांक 10-12-2015 को पारित आदेश के अनुपालन में एवं नगर पालिका अधिनियम 1916 (यथाप्रवृत्त उत्तराखण्ड राज्य में) की धारा 276 में दिये गये प्राविधानों के अनुसार तथा धारा 298 के खण्ड झ ( घ) ञ (घ) में दी गयी उपनियम बनाये जाने की शक्तियों का प्रयोग करते हुए तथा धारा-301 के अन्तर्गत दी गयी शक्ति के अनुसार उपविधि का प्रकाशन कराने हेतु नगर पंचायत नौगांव (उत्तरकाशी ) की बोर्ड बैठक दिनांक16/09/2021 के प्रस्ताव सं0-04 द्वारा सर्व सम्मति से पारित प्रस्ताव के अनुसार उपनियम "प्रोटोकाल फार सेप्टेज मैनेजमेन्ट" उपनियम-2021 बनाये जाने की स्वीकृति उपरान्त यह विज्ञप्ति इस आशय से आपत्ति / सुझाव चाहने हेतु प्रकाशित की जा रही हैं, जिन व्यक्तियों पर इसका प्रभाव पड़ने जा रहा हैं ।
अतः लोकहित में सुविधा , सुरक्षा एवं नियंत्रण व विनियमन करने हेतु प्रोटोकाल फार सेप्टेज मैनेजमेन्ट उपनियम 2021 में यदि किसी संस्था, व्यक्ति, व्यक्ति विशेष , फर्म , उद्योग , को कोई आपत्ति/ सुझाव हो तो वे इस विज्ञप्ति की प्रकाशन तिथि से 30 दिन के भीतर अपनी लिखित आपत्ति कार्यालय नगर पंचायत नौगांव में प्रस्तुत कर सकता हैं, उक्त समय अवधि पश्चात प्राप्त होने वाली आपत्ति अथवा सुझाव पर किसी भी दशा में विचार नहीं किया जा सकेगा ।
सेप्टेज प्रबंधन , फीकल स्लज और सेप्टेज प्रबंधन ( एफ . एस . एस . एम) उपविधि नगर पंचायत नौगांव ।
परिभाषा: -
1- संक्षिप्त नाम और लागू होने की तारीख: यह उपनियम नगर पंचायत नौगांव '' प्रोटोकाल फार सेप्टेज मैनेजमेन्ट'' उपनियम -2021 , नियमावली कहलायेगी , जो कि विज्ञप्ति सरकारी गजट उत्तराखण्ड में प्रकाशित होने की तिथि से प्रभावी होगी । यह उपनियम नगर पंचायत नौगांव की सीमा के भीतर लागू होगें।
2- नगर पंचायत नगर पंचायत का आशय नगर पंचायत नौगांव के अधिसूचित क्षेत्र 2014 के अनुसार 07 वार्डो की सीमा से हैं।
3- अधिशासी अधिकारी का आशय नगर पंचायत नौगांव के कार्यपालक अधिकारी से हैं ।
4- अध्यक्ष का आशय नगर पंचायत नौगांव के निर्वाचित बोर्ड के अध्यक्ष से हैं , अध्यक्ष के कार्यकाल समाप्त हो जाने पर अध्यक्ष के स्थान पर प्रशासक/उपजिलाधिकारी , अध्यक्ष के रूप में प्रभारी अधिकारी से हैं।
5- सेप्टेज मैनेजमेन्ट सेल सेप्टेज मैनेजमेन्ट सेल का आशय नगर पंचायत नौगांव में सकारी सेवा के शासन द्वारा नामित अधिकारियों के समूह की एक गठित इकाई से हैं , जो भाग 8]
371 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई ० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
कि सेप्टेज मैनेजमेन्ट सेल कहलायेगा । जिसके अध्यक्ष , उपजिलाधिकारी बडकोट , होंगे तथा अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत नौगांव सदस्य सचिव होंगे और सहायक अभियन्ता पेयजल निगम , सहायक अभियन्ता , उत्तराखण्ड जल संस्थान तथा चिकित्साधिकारी , प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, नौगांव एवं उत्तराखण्ड प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के प्रतिनिधि , एस ० एम ० सी ० से सम्बन्धित तकनीकि विशेषज्ञ , नामित सदस्य होंगे।
6-प्रसंग - सैप्टिक टैंक और अवधीय जो डिजायन से सम्बन्धित है , जिसके सफल संचालन हेतु कुशल प्रबन्धन क्री आवश्यकता है । यह महत्वपूर्ण है , कि नगर में एक उचित वैज्ञानिक प्रबन्ध के मामलों में सेप्टेज तकनीकी का अनुपालन किया जाय , पर्यावरण सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए वायु , स्थल , नदी एवं अन्य पानी आदि स्रोत को प्रदूषित न करें।
6.1- फीकल स्लज एवं सेप्टेज प्रबन्धकीय नीति : -
इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम को सफल बनाने हेतु शहरी विकास मन्त्रालय भारत सरकार ने एक फार्मूला प्रकाशित किया है । राष्ट्रीय फीकल स्लज एवं सेप्टेज प्रबन्धकीय नीति वर्ष 2017 में इस दृष्टिकोण के साथ कि समस्त भारतीय शहर और नगर पूर्ण रूप से स्वच्छ तन्दुरुस्त और जीवित बने रहे एवं अच्छी सफाई भी बनी रहे तथा प्रदूषण से मुक्ति मिल सके , जिसके साथ उन्नत स्थल स्वच्छता सेवा साथ ही फीकल स्लज और सेप्टेज प्रबन्धन हो सके , ताकि उत्कृष्ठ स्वास्थ्य स्तर को अधिकतम प्राप्त किया जासकें और स्वच्छ वातावरण बना रहे फीकल स्लज एवं सेप्टेज प्रबन्धकीय नीति का मुख्य उद्देश्य एक स्वच्छ वातावरण की दिशा निर्धारित करनी है ।
6.2 उत्तराखण्ड में सेप्टेज प्रबन्धक प्रोटोकाल: -
नगर पंचायत नौगांव उत्तराखण्ड राज्य सेप्टेज प्रबंधन प्रोटोकोल 2017 के अनुसार फीकल स्लज और सेप्टेज प्रबंधन अधिनियम के अनूसार उपविधि तैयार की जा रही है जो कि सचिव शहरी विकास विभाग उत्तराखण्ड सरकार द्वारा सूचित किया गया है । ताकि इसका अनुपालन शहरों / नगरों में हो सकें। आदेश सं ० 597 / ( पअ ( 2 ) - श ० वि०-2017-50 ( सा 0 ) / 16 दिनांक 22-05-2017 राज्य का सैप्टिज प्रबन्धन प्रोटोकाल राज्य और शहरों का यह दिग्दर्शन कराता है ताकि वैज्ञानिक सैप्टिज प्रबन्धन बना रहे जो कि एकत्रीकरण , परिवहन , उपचार , सैप्टिज / फीकल स्लज का निस्तारण ओर पुनः प्रयोग हो सकेते ।
6.3 - नगरीय उपकानून/फीकल स्लज एवं सेप्टेज का नियमितीकरणः सेप्टेज प्रबन्ध प्रोटोकाल के अनुसार जो शहरी विकास विभाग उत्तराखण्ड सरकार के शा०सं0-597/ ( पअ (2 ) -
श0वि0-2017-50 ( सा 0 ) / 16 दिनांक 22-05-2017 एवं समस्त लागू होने वाले नियम या कानून या समय- समय पर शासन द्वारा संशोधित नियम या नियमावली नगर पंचायत नौगांव नियमित ढांचों को रिक्त करने , एकत्र करने , परिवहन और सेप्टेज और फिकल स्लज के परिवहन एवं निस्तारण हेतु जैसा कि वर्णित है। फिकल स्लंज एवं सेप्टेज प्रबन्धन उपनियम के अन्तर्गत जो कि यहां स्वीकृत किया जाता है और इसके अनुपालन हेतु नगर पंचायत नौगांव के क्षेत्राधिकार के अन्तर्गत सूचित किया जाता है ।
07- आपरेटरों को लाईसेंस नगर पंचायत नौगांव अपने अधिकार क्षेत्र में उचित पंजीकरण/लाईसेंस / परमीट के बिना किसी भी डिस्लजिंग और सेप्टेज परिवहन ऑपरेटर को काम करने की अनुमति नहीं देगा। इसमें निजी स्वामित्व के साथ साथ सरकार के वाहन भी 372
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
षामिल है । इसके अलावा यह नगर पंचायत नौगांव के बाहर से आने वाले वाहनों ( दोनों निजी और सरकारी ) पर लागू होगा।
7.1- नगर पंचायत नौगाव डीस्लजिंग और सेप्टेज परिवहन आपरेटरों को अपने अधिकार क्षेत्र में संचालित करने के लिए लाईसेंस व परमिट प्रदान करेगा । नगर पंचायत नौगांव यह सुनिष्चित करेगा कि आपरेटरों के लाइसेंस प्रतिवर्ष नवीनीकृत किये जायें।
7.2 - नगर पंचायत नौगांव यह सुनिष्चित करेगा कि संग्रह और परिवहन के लिए डीस्लजिंग और सेप्टेज परिवहन वाहन नगर पंचायत नौगांव खुद वाहन प्राप्त करें या टेंडर आमन्त्रित करके निजी आपरेटरों का चयन करे ।
7.3- यदि नगर पंचायत नौगांव निजी आपरेटरों की सेवाये टेण्डर के माध्यम से ले रही है तो अनुबन्ध प्रतिवर्श नवीकृत सषर्त किया जायेगा ।
8 - मल और सेप्टेज का खाली करवाना और परिवहन
8.1- सेप्टेज परिवहन वाहन नगर पंचायत से एकत्र किया गया ( FSS ) केवल चिन्हित स्थलों ( SITE ) उपचार सुविधाओं पर निस्तारण करेगा ।
8.2- नगर पंचायत सुनिश्चित करेगा कि सभी सेप्टेज परिवहन टैंकर GPS सिस्टम से युक्त हो जिनसे उनकी ट्रैकिंग की जा सकती है ।
8.3 - लाईसेंन्स युक्त डिस्लजिंग ऑपरेटर FSS के केवल यांत्रिक संग्रह और परिवहन में संलग्न होंगे , और मैनुअल स्कवेंजर्स ( हाथ से मैला उठाने वाले कर्मियों) के नियोजन के प्रतिषेध और उनका पुनर्वास अधिनियम 2013 के सभी नियमों का अनुपालन करेगें ।
09 - सेप्टेज परिवहन के दौरान सावधानियां /सुरक्षा का पालन करना-
9.1 - ऑपरेटर सभी कर्मचारियों को निर्धारित अपेक्षित सुरक्षा गियर प्रदान करेगे।
9.2-ऑपरेटर यह सुनिश्चित करेगे की FSS का संग्रह और परिवहन में लगे सभी कर्मचारी पंजीकृत चिकित्सक और सरकारी अस्पताल से हर साल कम से कम एक बार स्वास्थ्य जांच करवाये और नगर पंचायत के रिकार्ड में जमा करें ।
9.3 -ऑपरेटर अपने द्वारा नियोजित , सेप्टेज की सफाई , परिवहन निपटान प्रक्रिया के दौरान होने वाली दुर्घटनाओं से सम्बन्धित सभी व्यक्तियों का बीमा करेंगें ।
9.4- सेप्टेज के सफाई , परिवहन और निपटान की प्रक्रिया के दौरान किसी भी व्यक्ति, सम्पत्ति , वाहन या पर्यावरण को होने वाली किसी भी नुकसान के लिए लाईसेंस युक्त डीस्लजिंग ऑपरेटर
पूरी तरह से उत्तरदायी होगें । ऑपरेटर ऐसे मामलों में मुआवजे का भुगतान करने के लिए उत्तरदायी होंगे जैसा की नगर पंचायत नौगांव/ अदालत द्वारा अधिसूचित होगा ।
9.5 FSS के परिवहन के दौरान आकस्मिक रिसाव के स्थिति में , ऑपरेटर तुरन्त उसको नियंत्रित करने के लिए कारवाई करेगा , पर्यावरणीय प्रभाव को कम करेगा , साफ सफाई की प्रक्रियाओं को पूरा करेगा । ऑपरेटर 24 घंटें में निकाय के संबंधित अधिकारियों को रिसाव व उसकी उपचारात्मक कार्यवाही के बारे में सूचित करेंगे । इन निर्देशों का पालन न करने वाले लाईसेंस युक्त आपरेटरों पर जुर्माना लगाया जायेगा ।
10 -डीस्लजिंग और सेप्टेज परिवहन वाहनों का लाइसेंस और पंजीकरण व परिवहन शुल्क डीस्लजिंग और सेप्टेज परिवहन वाहन पंजीकरण शुल्क प्रतिवर्ष लगेगा और संबंधित निकाय की उचित परामर्श प्रक्रिया के माध्यम से समय - समय पर निम्न दरों को संशोधित करेगा।
भाग 8]
373 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
10.1- लाईसेंन्स देने के लिये आवेदन के प्रसंस्करण के लिये शुल्क का भुगतान चेक या डिमांन्ड ड्राफ्ट, नकदी जमा द्वारा किया जा सकता है जो नगर पंचायत नौगांव के नाम होगा ।
10.2- नगर पंचायत नौगांव लाइसेंसधारी लाईसेंस प्राप्त गतिविधियों के लिए निम्न दी गई फीस और शुल्क लगायेगा और समय समय पर इन दरों को संशोधित करेगा और अधिसूचित करेगे ।
डीस्लजिंग और सेप्टेज परिवहन वाहन पंजीकरण शुल्क प्रतिवर्ष के लिए-
क्र ०स ०
गतिविधि
शुल्क
01
प्रारंभिक पंजीकरण शुल्क
2000 प्रति वाहन
02
पंजीकरण के नवीनीकरण शुल्क
1500 प्रति वाहन
11- सेप्टेज , फिकल स्लज का परिवहन की शर्तें एवं संचालन के नियम
11.1- लाइसेंसधारी फीकल स्लज और सेप्टेज प्रबंधन ( एफ.एस. एस . एम) अधिनियम नगर पंचायत नौगांव , 2021 के प्रावधानों का अनुपालन करेगा ।
11.2 - लाईसेंसधारी सभी स्थानीय विधानों का अनुपालन करेगा , जो इस लाईसेंस के तहत की जा रही गतिविधियों के लिए समय समय पर लागू हो सकते है ।
11.3- लाईसेंसधारी निर्दिष्ट वाहनों को अच्छी और व्यवहारिक स्थिति में बनाए रखेगा ताकि किसी भी दुर्घटना को रोका जा सके।
11.4- लाईसेंसधारी केवल प्रशिक्षित कर्मियों को नियुक्त करेगा और ऐसे सभी कर्मियों को सुरक्षात्मक गियर प्रदान करेगा । कर्मियों को एक ऑनसाइट रोकथाम ईकाई ( onsite
containment unit ) में प्रवेश करने और मेन्युअल स्कैवेजिंग करने से प्रतिबंधित किया जायेगा । असाधरण स्थितियों में , यह केवल अपेक्षित सावधानियों , सुरक्षा उपकरणों और नगर पंचायत नौगांव की अनुमति के साथ किया जा सकता है ।
11.5- यह लाईसेंस किसी भी अन्य सामग्री , तरल पदार्थ या किसी भी प्रकार के औद्योगिक अपषिश्ट के संग्रह और परिवहन के लिए मान्य नही है।
11.6- यू० एल ०वी ० इस लाईसेंस की शर्तों को बदलने या इस लाईसेंस की वैधता के दौरान समय समय पर आगे की शर्तों को लागू करने का अधिकार रखता है ।
: 11.7 - लाईसेंसधारी ऑपरेटर को यू० एल ० वी ० द्वारा निर्देषित सेप्टेज के संग्रह , परिवहन और निपटान के पर्याप्त और सही रिकार्ड बना के रखना है ।
11.8 -लाईसेंसधारी नगर पंचायत नौगांव की सभी निगरानी आवश्यकताओं का पालन करेंगे जैसे की टैंकरो की जीपीएस ट्रैकिंग स्थापित करना । उसके एक्सेस राइट अधिशासी अधिकारी नगर पंचायत नौगांव द्धारा स्वयं अथवा
अधिसूचित एजेंसी को दिये जायेगें ताकि वाहन को ट्रैकिंग किया जा सके ।
11.9 - लाईसेंसधारी यह सुनिश्चित करेगें की एकत्र किये गये सेप्टेज को केवल चिन्हित उपचार स्थलो पर ही ले जाया जाए ।
374
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
11.10- FSS का परिवहन , सुरक्षा एवं दक्षता के लिए और व्यस्त सडकों और पीक ट्रैफिक से बचने के लिए , निर्देशित मार्गों द्वारा किया जायेगा।
11.11 - लाईसेंसधारी ऑपरेटर यह सुनिचित करेगें कि एकत्र किये गये सेप्टेज को किसी भी जल निकाय या किसी भी अनधिकृत भूमि में नहीं डाला जाए।
12- नगर पंचायत नौगांव में डिस्लजिंग और सेप्टेज परिवहन सेवाओं के लिये उपभोक्ता शुल्क की सूची
वर्ग
क्र० सं०
रूपये/ शुल्क ( प्रति
चक्कर 5000 ली ० तक)
01
आवासीय भवन ( Residential . house)
सेप्टिक टैंक को खाली करने के लिए अंतराल
सेप्टिक टैंक 2/3 भाग भर जाने तक , अथवा आकस्मिक रिसाव पर तत्काल खाली करवाया जायेगा।
12000-00 रु प्रति चक्कर एंव 1000रु एस ०टी ० पी० शुल्क
02
सेप्टिक टैंक 2/3 भाग भर जाने तक , अथवा आकस्मिक रिसाव पर तत्काल खाली करवाया जायेगा ।
15000-00रु प्रति
चक्कर एंव 1000रु
एस ०टी ०पी० शुल्क
अनावासीय भवन ( Non Residential house) /वाणिज्यिक भवन/सरकारी/अर्दधसर कारी भवन/बैंक कार्यालय/निजी वाणिज्यिक संस्थान एएंव अन्य सभी के प्रकार भवन।
03
आवासीय- 12000-00
अनावासीय - 15000-00
नगर पंचायत सीमा के बाहर फीकल , स्लज के परिवहन करने पर शुल्क भवन स्वामी से प्रति फेरा 1000 रू 0/STP शुल्क, एवं 200 रू० / प्रति किमी , परिवहन शुल्क जमा करेगा। सैप्टिक टैंक में ज्यादा फिकल होने तथा दूसरे फेरे की स्थिति होने पर सक्षम अधिकारी के अनुमोदन के पश्चात दूसरे फेरे में 2000 / रू 0 की छूट प्रदान की जायेगी ।
12.1- फीकल स्लज और सेप्टेज 5000-00 लीटर से कम होने पर प्रति चक्कर शुल्क में छूट दी जायेगी।
12.2 - उपभोक्ता शुल्क/ लागत सम्बन्धित सेप्टेज टैंक के मालिक/ स्वामित्व रखने वाले से वसूला जायेगा।
भाग 8]
375 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
13-डीस्लजिंग और सेप्टेज को नाली , सडक , अपशिष्ठ जल को खुले में सीधा या असुरक्षित निर्वहन के पहले , दूसरी और तीसरी बार उल्लंघन करने पर अर्थदण्ड /दण्डित करने पर
चर्चाः-
क्र०सं ० प्रकार
दंडात्मक कार्रवाई/ जुर्माना ( RS में )
1.
नाली/सडक/खुले क्षेत्र में अपशिष्ठ जल का सीधा या असुरक्षित निर्वहन
1.1
15,000-00
दूसरी बार उल्लंघन
1.2
तीसरी बार उल्लंघन और आगे
2.
Oss का अवैज्ञानिक डिजाइन और निर्माण
2.1
दूसरी बार उल्लंघन
2.2
तीसरी बार उल्लंघन और आगे
3
बिना से पंजीकरण के डीस्लजिंग और सेप्टेज परिवहन वाहनों का संचालन
4
ट्रैफिक नियमों में अनुषंसित वैध प्रमाणीकरण के बिना डीस्लजिंग और सेप्टेज परिवहन वाहनों का संचालन
4.1
दूसरी बार उल्लंघन
4.2
तीसरी बार उल्लंघन और आगे
5
า
आकस्मिक रिसाव को नियंत्रित करने में गैर- अनुपालन
5.1
दूसरी बार उल्लंघन
5.2
तीसरी बार उल्लंघन और आगे
6
FST/ STP अनुपचारित FSS का निर्वहन
6.1
दूसरी बार उल्लंघन
6.2
तीसरी बार उल्लंघन और आगे
7
( ULB / SMC ) चित किए गए स्थानों के अलावा अन्य स्थानों पर अनुपचारित FSS का निर्वहन
7.1
दूसरी बार उल्लंघन
7.2
तीसरी बार उल्लंघन और आगे 376
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
14- मैकेंजिम का निरीक्षण , क्रियान्वयन और मजबूती देना-
14.1- नगर पंचायत नौगांव FSS के संग्रह , परिवहन व निपटान के लिए जॉब कार्ड पंजीकृत डीस्लजिंग ऑपरेटरों को प्रदान करेगा डीस्लजिंग ऑपरेशन को रिकार्ड बनाये रखने के लिए ( फार्मेट के लिए अनुबंध -D देखे ) जॉब कार्ड की एक प्रति oss के मालिक को सौंप दी जायेगी , एक दूसरी प्रति निपटान स्थल पर और तीसरी प्रति नगर पंचायत नौगांव कार्यालय में जमा की जायेगी। जाब कार्ड पर oss के मालिक , डीस्लजिंग ऑपरेटर , ट्रीटमेंट यूनिट में प्लांट मैनेजर और यू० एल०वी० के नोडल अधिकारी के हस्ताक्षर किये जाने चाहिए।
14.2 - यू० एल० वी ० भुगतान का प्रमाण दिखाने के लिए oss मालिकों को रसीदे प्रदान करेगा । नगर पंचायत नौगांव इन विनियमों के उल्लंघन में पाये जाने वाले ऑपरेटरों पर दंड लगायेगा।
14.3 - नगर पंचायत नौगांव किसी भी ऑपरेटर का लाईसेंस रद्द करेगा जो लाईसेंस नवीनीकृत करने में विफलता करे , या इन नियमों या मैनुअल स्कैवेजर्स ( हाथ से मैला उठाने वाले कर्मियों ) के नियोजन का प्रतिषेध और पुनर्वास अधिनियम , 2013 के प्रावधानों का बार - बार उल्लंघन करे ।
14.4-नगर पंचायत नौगांव में स्थित सभी OSS SEPTIC TANK , PITS , BIODIGESTER ETC की रजिस्ट्री नगर पंचायत नौगांव अपने अधिकार क्षेत्र में निर्मित सभी oss के एक रजिस्टर बनाये रखेगा , जिसमे सभी विवरण होगें जैसे की स्वामी का नाम , जी० पी० एस० स्थान , oss का प्रकार
, आकार एवं स्थिति खाली करने की आवृति आदि जैसे की उत्तराखण्ड राज्य सेप्टेज प्रबन्धन प्रोटोकॉल 2017 में उल्लिखित है । इसके लिए निकाय सर्वेक्षण एवं अन्य तरीकों का उपयोग कर सकता है ।
14.5= सभी नये निर्माणों का शामिल करने के लिए oss की रजिस्ट्रर अपडेट किया जायेगा। 14.6 - निकाय अपने क्षेत्र में पंजीकृत नये निमार्णों को केवल तभी अनुमोदित करेगा जब oss का निमार्ण निर्धारित मानकों के अनुसार हो । यदि उल्लंघन है तो निकाय दोषपूर्ण निर्माण के मालिकों को नोटिस जारी करेगा ।
14.7 - निकाय जहाँ तक सम्भव हो , oss को डिजाइन के विनिर्देशों के अनुरूप में लाने के लिए रेट्रोफिटिंग के लिए प्रोत्साहन करेगा ।
14.8 - निकाय समय- समय पर निगरानी करने के लिए निर्देशित करेगा यह सुनिश्चित करने के लिए कि oss उचित रखरखाव हो ।
14.9- निकाय समय समय पर सभी FSSM से सम्बन्धित गतिविधियों की निगरानी करेगा जैसा कि उत्तराखण्ड राज्य सेप्टेज प्रबन्धन 2017 में उल्लिखित है ।
14.10 - निकाय में स्थित oss रोकथाम इकाइयों से मल एवं सेप्टेज FSS का उचित संग्रह /खालीकरन हो सके तथा उपचार और सुरक्षित निपटान/पुनः उपयोग के लिए , इसका निर्धारित साइटों; ( designated sites / treatment facility ) तक सुरक्षित परिवहन हो सके 14.11- निकाय यह सुनिश्चित करेगी की उनके परिसर शौचालय में सोख गड्ढे के साथ सेप्टिक टैंक ( septic tan with soak pit ) या अन्य oss का ठीक से निमार्ण किया गया है ।
377 भाग ४]
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
14.12- निकाय यह सुनिश्चित करेगी की oss का समुचित कार्य हो रहा है ताकि मल एवं अपशिष्ट का स्राव रिसना , रिसाव एवं अन्यथा बचने से पर्यावरण को कोई प्रदूषण न हों । इसके लिए oss की समय समय पर मरम्मत का काम ( Repair or retrofitting ) मालिक द्वारा किया जायेगा।
14.13- निकाय यह सुनिश्चित करेगी की oss में छत का पानी , सतह पानी , रन आफ या बारिश का पानी तो प्रवेश नहीं कर रहा है ।
14.14- निकाय यह सुनिश्चित करेंगी की oss से अपशिष्टों ( Effluents ) का सुरक्षित निपटान सोख गड्ढों एवं सीवर के नेटवर्क के माध्यम से किया जा रहा है ।
15- लघुरूप-
FSS-
Faecal Sludge and Septage
FSSM-
Faecal Sludge and Septage Management
FSTP-
Faecal Sludge Treatment Plant
OSS-
Onsite Sanitation Systems
SMC-
Septage Management Cell
STP-
Sewage Treatment Plant
ULB-
Urban Local Body
शास्ति/दण्ड
नगर पंचायत नौगांव ( उत्तरकाशी ) की सीमान्तर्गत " प्रोटोकाल फार सेप्टेज मैनेजमेन्ट" के अनुपालन हेतु माननीय राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण द्वारा आवेदन सं0-10 / 2015 दिनांक 10-12-2015 के आदेश के अनुपालन मे तथा नगर पालिका अधिनियम 1916 की धारा 299 ( 1 ) में प्रदत्त अधिकार एवं शक्तियों का प्रयोग करते हुए ऐसे नगरवासी जो प्रोटोकाल फार सेप्टेज मैनेजमेन्ट की उपविधि की किसी भी धारा का उल्लंघन करेगा अथवा करता हुआ पाया जायेगा , दोष सिद्ध पाये जाने पर रू0 15,000= 00 ( पन्द्रह हजार ) का अर्थदण्ड किया जायेगा उल्लघंन निरन्तर जारी रहा तो अतिरिक्त अर्थदण्ड आरोपित किया जायेगा। अन्यथा सम्बन्धित के विरुद्ध न्यायालय में वाद दायर किया जायेगा। उस पर होने वाले समस्त व्ययभार हर्जे खर्चे की वसूली भू- राजस्व की भांति वसूल की जायेगी। विवाद होने की स्थिति में न्यायालय क्षेत्र जिला- उत्तरकाशी होगा ।
दीपेन्द्र बमोला,
अधिशासी अधिकारी,
शशीमोहन सिंह राणा, अध्यक्ष,
नगर पंचायत नौगांव ,
नगर पंचायत नौगांव, जनपद- उत्तरकाशी ।
जनपद- उत्तरकाशी ।
378
[भाग 8 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
कार्यालय नगर पंचायत चमियाला टिहरी गढवाल ।
सार्वजनिक सूचना
08 अगस्त, 2024 ई ०
पत्रांक-363 / उपनियम / 2024-25- नगर पंचायत चमियाला (टिहरी गढवाल) के सीमान्तर्गत उत्तर प्रदेश नगर पालिका अधिनियम 1916 कि धारा 298 (उत्तराखण्ड में यथा प्रवृत्त की धारा. 298 के अन्तर्गत प्रदत्त अधिकारों का प्रयोग करते हुए नगर पालिका अधिनियम 1916 कि धारा. 128 के अन्तर्गत भवनों व भूमि या दोनो के वार्षिक मुल्य या दोनो के वार्षिक मुल्य पर भवन / सम्पत्ति कर आरोपित करने के लिए नगर पंचायत चमियाला द्वारा "सम्पत्ति / भवनकर उपविधि.2022.23 बनायी गई ।
सम्पत्ति/ भवनकर उपविधि - 2022-23.
1- संक्षिप्त नाम प्रसार और प्रारम्भ -
क - यह उपविधि नगर पंचायतचमियाला" सम्पत्ति/भवनकर उपविधि 2022-23 कहलायेगी ।
ख - यह उपविधि नगर पंचायतचमियालाकी सीमा में प्रवृत्त होगी।
2-परिभाषाएं
किसी विषय या प्रसंग से कोई वादा प्रतिकूल न होने पर इस उपविधि मे-
(क) "नगर पंचायत" का तात्पर्य नगर पंचायतचमियालासे है ।
(ख) "सीमा" का तात्पर्य नगर पंचायत चमियालाकी सीमाओं से है ।
(ग) "अधिशासी अधिकारी" का तात्पर्य अधिशासी आधकारी नगर पंचायतचमियालासे है ।
(घ) " अध्यक्ष" का तात्पर्य नगर पंचायतचमियालाके अध्यक्ष/प्रशासक से है ।
(ङ) "बोर्ड" का तात्पय नगर पंचायतचमियालाके निर्वाचित अध्यक्षसे है ।
(च) "अधिनियम" का तात्पर्य उत्तर प्रदेशनगर पालिका अधिनियम(उत्तराखण्ड में यथावत्त प्रभावी) संशोधन से है।
(छ) "वार्षिक" मूल्यांकन का तात्पर्य नगर पालिका अधिनियम 1916 कि धारा 140 व धारा -141 ख के
अन्तर्गत वार्षिक मूल्य से है।
(ज) " सम्पत्ति/ भवनकर " का तात्पर्य नगर पालिका अधिनियम 1916 कि धारा. 128 के अन्तर्गत भवनों
याभूमि दोनो के वार्षिक मूल्य पर कर से है ।
(झ) "समिति" का तात्पर्य नगर पालिका अधिनियम 1916 कि धारा-104 के अन्तर्गत गठित समिति से है ।
(प) "भवन एंव भूमि " का तात्पर्य नगर पंचायत सीमान्तर्गत निर्मित भवन एंव भूमि से है ।
(फ) "स्वामी " का तात्पर्य भवन एंव भूमि के स्वामी से है ।
(ब) "अध्यासी " का तात्पर्य नगर पंचायत चमियाला सीमान्तर्गत निर्मित भवन एंव भूमि
पर किराये में रहने वाले व्यक्तियों से है ।
3- वार्षिक मूल्यांकन- नगर पंचायत चमियाला सीमान्तर्गत निर्मित भवन एंव भूमि पर सम्पत्ति/ भवनकर निर्धारण हेतु नगर पालिका अधिनियम 1916 कि धारा-142 (2)के अन्तकर निर्धारण के प्रयोजन के लिए नगर पंचायत द्वारा समय समय पर पारिश्रमिक सहित या रहित किसी व्यक्ति या व्यक्तियों चाहऽ वे सदस्य होया ना हो अथवा संस्था /एजेन्सी नियुक्त किया गया या किये गये व्यक्ति/ संस्था/एजेन्सी ऐसे प्रयोजन के लिए किसी सम्बद्ध सम्पत्ति का निरीक्षण कर सकते है । सम्पत्ति/ भवनकर निर्धारण हेतु नियमानुसार वार्षिक मूल्याकन किया जायेगा।
(क) अपर निदेशक कृते निदेशक के पत्र संख्या- 4956/ श०वि० नि०-1815 (स्वकर)/ 17टी 0 सी0 देहरादून दिनांक 06 फरवरी 2023 व सरकारी गजट उत्तराखण्ड़ के क्रम संख्या. 34 दिनांक 12 अप्रैल 2021 के द्वारा निर्देशित कराया गया हैं कि 'भवन या भूमि या दोनों जैसी भी स्थिति हो का पूजी गत मूल्य जो कि भवन के आच्छादित क्षेत्रफल या भूमि के क्षेत्रफल या दोनों जैसी भी स्थिति को भारतीय स्टाम्प अधिनियम 1899 के प्रयोजनार्थ कलेक्टर द्वारा निर्धारित सर्किल रेट/ निर्माण की दर जो प्रचलन में हो , से गुणा करने पर प्राप्तः वार्षिक मूल्य ; किन्तु प्रतिबन्ध यह हैं कि सम्पत्तिकर के अन्तर्गत सामान्य कर की दर वार्षिक मूल्य के 0.01 प्रतिशत से 1 प्रतिशत के मध्य होगी उक्त के दृष्टिगत निकाय में आवासीय भवन के लिए सामान्य कर की दर से वार्षिक मूल्य के 0.04 प्रतिशत वाणिजिक भवन/सम्पत्ति के लिए 0.14 प्रतिशत निर्धारित की जाती है- 379 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
भाग 8]
ख-किसी भवन या भूमि की दशा में यथास्थित ऐसे आवासीय एंव आनावसीय( दुकानात) जो किराये पर उठाये गये हो उन का वार्षिक मूल्याकंन शहर की प्रचलित बाजार दर अथवा उस क्षेत्र के लिए कलैक्टर द्वारा तत्समय किराये हेतु प्रचलित सर्किल रेट से जो भी अधिकतम हो के अनुसार किराये के भवन के प्रति वर्ग फीट या मीटर मासिक किराया दर पर निर्धारण करना होगा और मासिक किराये के 12 गुणा पर वार्षिक मूल्यांकन निर्धारण हेतु किया जायेगा। प्रतिनन्ध यह है कि जहाँ नगर पंचायत किराय मे असाधारण परिस्थितिया के कारण किसी भवन का वार्षिक मुल्य यदि उपर्युक्त विधि से गणना की गयी हो अत्यधिक हो वहाँनगर पंचायत किसी भी कम धनराशि पर जो उसे समय पूर्ण प्रतीत हो मूल्य नियत कर सकती है ।
1 उ0प्र0 शहरी भवन ( किराये पर देनैकिराये तथा बेदखली का विनियमन) अधिनियम 1972 के प्रयोजन के लिए किसी भवन मानक किराया या युक्तियुक्त वार्षिक किराये को भवन के वार्षिक गणना करते समय हिसाब मे नही लिया जायेगा ।
2 सम्पत्ति/ भवन कर निर्धारण हेतु वार्षिक मwल्याकंन हेतु सर्वेक्षण निर्धारित प्रपत्र मे प्रत्येक भवन एंव भwमि का मौके पर निरीक्षण करने के उपरान्त यथास्थित के अनुसार किया जोयेगा ।
3 भवन एंव भूमि केकिराये पर हो तो वार्षिक मूल्याकंन पर 6 प्रतिशत सम्पत्ति/ भवन कर लिया जायेगापरन्तु निम्नलिखित भवन एंव भूमि अथवा उसके भाग निम्नानुसार कर से मुक्त रहेंगे ।
मन्दिर गुरु द्वारे मस्जिद अथवा दूसरी धार्मिक संस्थाए जो सार्वजनिक तथा रजिस्टर्ड ट्रस्टया संस्था के अधीन हो परन्तु जो स्थान अथवा स्थानो के भाग से किराये या अन्य प्रकार से आय अर्जित की जाती है उन पर छुट के नियम लागू नही होगें।अनाथालय स्कूल छात्रावास चिकित्सालय धर्मशाला तथा इस प्रकार से अन्य भवन तथा भूमि जो इस प्रकार की दान की संस्थाओ की सम्पत्तियों और उन्ही ससंस्था द्वारा ऐसे कार्य करती हो।
4 सम्पत्ति/भवनकर पर प्रत्येक वर्ष 01 अप्रैल से 31 मार्च तक जमा किया जायेगा 31 मार्च कऽ पश्चात जमा होने वाले विगत वर्ष के गृहकर पर 10 प्रतिशत अधिभार देय होगा।
5 कर निर्धारण सूचियो का प्रकाशन- भूमि एंव भवन के वार्षिक मुल्यांकन पर सम्पत्ति/ भवल कर निर्धारण हेतु नगर पालिका अधिनियम -1916 की धारा-141 के अधीन तैयार की गयी प्रस्तावित कर निर्धारण की स w चना सम्बन्धित प्रत्येक भवन स्वामी अध्यासी को 15 दिन के अन्दर आपत्ति प्रस्तुत करने हेतु दी जानी होगी और कर निर्धारण सूचियो मे प्राप्त आपत्तियों को मौहल्लो/वार्ड द्वारा क्रम संख्या देते हुए आपत्ति एंव निस्तारण पंजिका में अंकित किया जायेगा।
6 आपत्तियों का निस्तारण- भूमि एंव भवन के वार्षिक मूल्याकंन अथवा कर निर्धारण पर प्राप्त आपत्तियों की सुनवाई एंव निस्तारण हेतु नगर पालिका अधिनियम 1916 कि धारा-104 के अन्तर्गत गठित समिति अथवा समिति होने के अधिशासी अधिकारी द्वारा किया जायेगा । कर निर्धारण सूचियों में उपरोक्तानुसार सम्पूर्ण कार्यवाही होने के उपरान्त सम्पत्ति/ भवन कर मांग एंव वसूली गठित न फलस्वरूप पंजिका में अन्तिम रूप से सूची दर्ज करते हुए नगर पालिका अधिनियम-1916 की धारा -166 के अन्तर्गत दावों की वसूली हेतु अग्रेतर कार्यवाही शासन द्वारा समय -समय पर दिए गये निर्देशानुसार करनी होगी।
7 कोई भी व्यक्ति किसी समय भवना sa की कर निर्धारण सूची परअपना नाम स्वामी के रूप में दर्ज करा सकता है और जिस समय तकआवेदन पत्र को अस्वीकार करने का काफी कारण ना हो उसका नाम दर्ज कर लिया जायेगा अस्वी कृति का कारण लिख दिया जायेगा।
8 जब इस बात मे शक हो के भवन या भूमि पर की जिसका नाम स्वामी के रूप में दर्ज किया जाये तो बोर्ड या समिति या वह अधिकारी जिसकी बोर्ड ने उत्तर प्रदेश नगरपालि का एक्ट-1916 की धारा 143-(3 ) केअधीन हो ,यह तय करेगा कि किसका नाम स्वामी के तौर पर दर्ज होना चाहिए। इसका निश्चित उस समय तक लागू रहेगा ज ब तक सशक्त न्यायालय उसको रद ना कर दे ।
380
उत्तराखण्ड गजट, 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
9- ( 1 )अगर किसी ऐसे भवन या भूमि के स्वामी होने का अधिकार जिस पर कर लागू होहस्तान्तरित किया जाये तो अधिकार हस्तान्तरित करने वाला या जिसको हस्तान्तरित किया जायेवह यदि कोई दस्तावेज न लिखी गई होतो अधिकार लेने की तिथि से और लिखी गई हो तो दस्तावेज लिखे जाने या रजिस्ट्री होने या हस्तान्तरित होने की तिथि से तीन माह के अन्दर हस्तान्तरित होने की सूचना अध्यक्ष को अथवा अधिशासी अधिकारी को देगा।
10- किसी से भवन या भूमिका स्वामी जिस पर कर लागू है की मृत्यु
के पश्चात उसका उत्तराधिकारी या जो जायदाद का स्वामी हो इसी प्रकार स्वामी होने से तीन माह के अन्दर सूचना देगा।
11 सूचना में जिसका विवरण पहले दिया गया हैउक्त नियम में उल्लिखित सभी विवरण सफाई से और ठीक तौर से दिये जायेगे।
हर ऐसा व्यक्ति जिसको जायदाद हस्तान्तरित की गयी होअधिशासी अधिकारी के मांगने पर दस्तावेज (अगर लिखी गयी है) या उसकी एक प्रतिलिपि जो इंडियन रजिस्ट्रेशन एक्ट 1877 ई० के
अनुसार ली गयी होपेश करेगा।
12 उत्तर प्रदेश नगर पालिका एक्ट 1916 की धारा 151 (2) के अधीन कर की थोडी माफी या ऐसी माफी के लिए भवन का स्वामी जिसमे कई किरायेदार रहते हो भवन पर कर लागू करने के समय बोर्ड से प्रार्थना कर सकता है कि तमाम भवन का कर लागू करने के अलावा हर इस भाग का वार्षिक मूल्य अलग अलग एक नोट में दर्ज किया जाये और जब कोई भाग ,जिसका वार्षिक मूल्य अलग दर्ज हो गया है या किराये के नब्बे दिन या इससे अधिक समय के लिए किसी साल में खाली रहा हो तो कुल भवन के कर का वह हिस्सा माफ किया जाये जो कि उक्त एक्ट की धारा 151- ( 1 )के अधीन वापस या माफ किया जाता। यदि भवन के भाग पर अलग कर लागू किया होगा।
शास्ति
उत्तर प्रदेश नगर पालिका अधिनियम 1916 की धारा-299(1 ) के अधीन शाक्तियों का प्रयोग करके नगर पंचायतचमियालाएतद द्वारा निर्देश देती है कि उपरोक्त उपविधि उल्लंघन करने के लिए अर्थदण्ड रु 1000-00 ( एक हजार) तक हो सकता है और यदि उल्लंघन निरन्तर जारी रहा हो तो प्रथम दोषसिद्धी के दिंनाक से ऐसे प्रत्येक दिन लिए जिनके बारे में यह सिद् हो जाये कि अपराधी अपराध करता रहा है। अतिरिक्त जुर्माना किया जा सकता हैजो रु 05 से 100 तक प्रतिदिन तक हो सकता है ।
अजय कुमार अष्टवाल , अधिशासी अधिकारी , नगर पंचायत , चमियाला टिहरी गढवाल ।
अपूर्वा सिंह, प्रशासक उप - जिलाधिकारी , नगर पंचायत, चमियाला टिहरी गढवाल ।
भाग 8]
381 उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
कार्यालय नगर पंचायत चमियाला टिहरी गढवाल
21 अगस्त, 2024 ई०
संख्या-378 / न०प० च० / सैप्टेज / उप0 2022-23- नगर पंचायत चमियाला टिहरी गढवाल सीमान्तर्गत उ०प्र० नगर पालिका अधिनियम-1916 की धारा-298 उत्तराखण्ड में यथा प्रवृत्त) की उपधारा-2 खण्ड-(ज) (च) के अन्तर्गत प्रदत्त अधिकारी का प्रयोग करते हुये नगर पंचायत चमियाला टिहरी गढवाल द्वारा नगर पालिका अधिनियम-1916 की धारा -128 की उपधारा . 1 (ii ) (iii ) अन्तर्गत शक्तियों का प्रयोग करते हुये फेकल सलज एवं सेप्टेज प्रबन्धकीय उपनियम-2021 बनायी जाती है:-
अध्याय-1
सामान्य
1- संक्षिप्त नाम और लागू होने की तारीखः
(1 ) ये उप-नियम नगर पंचायत चमियाला टिहरी गढवाल फेकल संलज एवं सेप्टेज प्रबन्धकीय उपनियम-2021 कहलाऐगा ।
(2) ये उप- नियम नगर पंचायत चमियाला टिहरी गढवाल के सरकारी गजट उत्तराखण्ड में प्रकाशित होने की तारीख से प्रभावी होगें ।
2. ये उप- नियम नगर पंचायत चमियाला टिहरी गढवाल की समीओं के भीतर लागू होगें ।
1-प्रसंगः
यह महत्वपूर्ण है कि एक उचित वैज्ञानिक प्रबन्ध इन मामलों में सेप्टेज़ का अनुपालन किया जाये ताकि सेप्टेज/फेकल सलज सेप्टिक टैंक गढे शौचालय से पर्यावरण नदी एवं अन्य पानी के स्रोत प्रदषित न हो सके ।
1.1 राष्ट्रीय फेकल सलज एवं सेप्टेज प्रबन्धकीय नीतिः
गामीण विकास मंत्रालय भारत सरकार राष्ट्रीय फेकल सलज एवं सेप्टेज प्रनन्ध नीति वर्ष 2017 घोषित की है जिसमें शहर पूर्ण रुप से स्वच्छ तुन्दुरस्त और जीवित बने रहे और अच्छी सफाई भी बनी रहे शहरी नीति का मुख्य उदेश्य एक प्रश्न प्राथमिकता और दिशा निर्धारित करनी है ताकि राष्ट्रव्यापी अनुपालन इस सेवाओं का समस्त क्षेत्र सुरक्षित और स्थायी सफाई व्यवस्था हो सके।
1.2 उत्तराखण्ड में सेप्टेज प्रबन्ध प्रोटोकाल-
नगर पंचायत चमियाला में एए उचित प्रबन्धन योजना या प्रोटोकाल सिवरेज की निकासी जो कि सामान्य सेप्टिक टैंक या बायो डाईजेस्टर में एकत्रित की जाती है । नियमित रुप से खाली की जाये और उसका उचित प्रबन्ध किया जाये और उसके परिणाम स्वरुप खाद जो इस प्रकार से एकत्रित हुई है वह निःशुल्क किसानों में वितरित की जायेगी जल आपूर्ति एवं सिवरेज अधिनियम 1975 /नगर पालिका अधिनियम 1916 शहरी विकास निदेशालय जो कि उत्तराखण्ड जल संस्थान से समन्वय होगा इसके लिये प्रोटोकाल सेप्टेज प्रबन्ध तैयार किया है जो कि सचिव शहरी विकास विभाग उत्तराखण्ड सरकार द्वारा सूचित किया गया है ताकि इसका अनुपालन शहरी नगरो में हो सके आदेश संख्या- 59/4 (2) यू0डी0-2017-50/16 दिनांक 22/05/2017 इस नियमावली का सेप्टेज प्रबन्ध प्रोटोकाल नगर पंचायत चमियाला शहर को दिग्दर्शन कराना है ताकि वेज्ञानिक सेप्टेज प्रबन्ध बना रहे। जो कि एकत्रीकरण परिवहन इलाजएसेप्टेज /फेकल सजल का निस्तारण और पुनः प्रयोग हो सके इस 382
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर, 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
प्रोटोकाल के प्रवाभी क्रियान्वयन के लिए और आन्तरिक विभागीय समन्वय हेतु एक सेप्टेज मैनेन्जेमेन्ट सेल का आयोजन किया गया है जिसके अन्तर्गत यू० एल ० बी० एजल निगम एजल संस्थान होगें ।
2. नगरीय उप कानून/फेकल सलज सेप्टेज प्रबन्ध का नियमितरण-
सेप्टेज प्रबन्धन प्रोटोकाल के अनुसार जो श्हरी विकास विभाग उत्तराखण्ड के शा ० स ० समस्त लागू होने योग्य नियम कानून या नियमावली नगर पंचायत चमियाला के नियमित ढांचा रिक्त करने एकत्र करने परिवहन और सेप्टेज / फेकल सलज के परिवहन एवं निस्तारण हेतु जैसा कि संदर्भित है फेकल सलज एवं सेप्टेज प्रबन्ध उपनियम के अन्तर्गत जो कि यहां स्वीकृत किया जाता है और इसके अनुपालन हेतु नगर पंचायत चमियाला के क्षेत्राधिकार के अंतर्गत सूचित किया जाता है।
3. उद्देश्य एवं कार्य क्षेत्र निम्नवत है ।
नियमावली के उदेश्यक एवं कार्यक्षेत्र निम्नवत है ।
1- निर्माण सेफ्टेिज से सम्बन्धित है ।
2- क्षेत्र के मालिक द्वद्वारा जो कार्य किया जाना है उसकों निर्देशित करना जो कि सेप्टिक टैंक और शौचालय के गढे से और फेकल सलज एवं सेप्टेज परिवहन से सम्बन्धित है ताकि वे इन निर्देशो का अनुपालन सुनिश्चित कर सकें।
3-. उचित निरीक्षण प्रदान करना और मशीनरी का अनुपालन ।
4- .लागत वसूली सुनिश्चित करना जो कि सलज के और सेप्टेज प्रबन्ध के उचित प्रबन्ध हेतु है ।
5-निजी और गैर सरकारी क्षेत्र फेकल सलन एवं सेप्टेज प्रबन्ध में सहभागी की गुजिया देना ।
4- एकत्रीकरण परिवहन इलाज और सेप्टेज के खुर्द -बुर्द हेतु एक प्रक्रिया अपनानाः
4.1 सेफ्टिक टैंक और सेप्टेज /फेकल सलज एकत्रीरण को रिक्त करनाः
जो कोई भी पहले भादे नेपानिकलपोनिकत वैक्यूम टैंकर हेतु उपयोग किया जाना सेफ्टिक टैंक की तली में जो जमा हो गया है उसकों कटाना और एक बार उसको ठीक करना जो कि गहराई में पहुंच गया है या बारंबार के आखिर में जो डिजाइन है जबकि सलज का सुखाना और सेप्टिक टैंक में जो द्रव्य है उसको भी सुद्धा का भी उपयोग नगरीय अधिकारियों द्वारा सेप्टिक टैंक को खाली करने चाहिए सुरक्षा प्रक्रिया जैसा कि सेप्टेज प्रबन्ध प्रोटोकाल में वर्णित है को सेप्टिक टैंक के खाली करते समय और सेप्टेज के परिवहन के समय इस नियम का सख्ती से पालन किया जाना चाहिए।
4.2 सेप्टेज /फेकल सजल का परिवहनः
1- फेकल सलज और सेप्टे ट्रासपोर्टर वाहन के सरुक्षित परिवहन हेतु उत्तरदायी होगें। जैसा कि समय -समय पर एस ० एम ० सी ० द्वारा स्वीकृत किये जायेगें ।
2-फेकल सलज और सेप्टेज परिवहन निर्माता यह आश्वासन देगें । किः
अ. पंजीकृत संग्रह वाहन जिसके अन्तर्गत समस्त उपकरण जो कि फेकल सलज और सेप्टेज हेतु इस्तेमाल किये जायेगें छिद्र निरोधी होगा और सुरक्षा हेतु ताला बन्द रहेगा और मानदंड का अनुपालन करेंगें ।
ब. कोई भी टैंक और उपकरण जो फेकल सलज और सेप्टेज हेतु उपयोग में लाया जायेगा वह किसी अन्य वस्तु या द्रव्य को परिवहन हेतु इस्तेमाल नही किया जायेगा ।
4.3 सेप्टेज का निष्पादन और इलाजः भाग 8]
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
383
राज्य सेप्टेज मैनेजमेन्ट प्रोटोकाल के अनुसार प्रत्येक नगर पंचायत चमियाला की अपनी एक इकाई होगी परन्तु इस निकाय में इकाई न होने के कारण सेप्टेज को निकाय से 60 किमी 0 दूर अन्तर्गत स्थित उत्तराखण्ड जल संस्थान के एस0टी 0 पी 0 में परिवहन किया जायेगा भविष्य हेतु एक अलग सेप्टेज ट्रीटमेन्ट प्लान का निर्माण हेतु भी कार्य योजना तैयार कराने के प्रयास किये जायेगे।
5.सुरक्षा उपायः
1. उचित तकनीकी संयत्र सुरक्षा उपकरण का प्रयोग करते हुये मल निस्तारण किया जायेगा फेकल सलज और सेप्टेज ट्रांसपोर्टर यह आशान्वित करेगें समस्त मल निस्तारण कर्मचारी उचित व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण जिसके अन्तर्गत कंधे की लम्बाई तक पूरा नियोप्रीन गलब्स रबड बूट चेहरे का मास्क और आंखों की सुरक्षा आदि समस्त उपकरण एकत्रीकरण क्षेत्र से पहले अपना लिया जायेगा इसके लिये जागरुकता भी की जायेगी इसकके अलावा प्रथम सहायता किट गैस का पता करने वाला लैंप और अग्निशामक यत्र मल निस्तारण गाडी में रखे जायेगें जब सेफ्टिक टैंक और पिट लैट्रिन में काम चल रहा हो धूम्रपान वर्जित रहेगा।
2. मल निस्तारण कार्यकर्ता सेफ्टिक टैंक में और शौचालय गढे में प्रवेश नही करेगें और आच्छादित टैंक को हवा के लिए आना-जाना रखेंगे जो कि इस कार्य को शुरु करने से पहले किया जाना टैंक को स्कूर और ताले से आवश्यक होगा बच्चों को टैंक के ढक्कन से दूर रखा जायेगा एवंम सुरक्षित रखा जाये कर्मचारी सावधान रहेगें कि मल निस्तारण प्रक्रिया के समय ढक्कन पर अत्याधिक भार न हो ताकि मेन हाल का ढक्कन टूटने से बचा रहे ।
6. सेप्टेज खाली करना और वाहत के पंजीकरण का परिवहनः
6.1 यू० एल०बी० दर्ज करेगा और लाईसेन्स निर्गत करेगा निजी व्यवसायों के लिए जिनके पास मशीनीकरण खाली करना और परिवहन गाडी उपलब्ध हो इस प्रकार का लाईसेन्स निर्गत करने से पहले यह आशान्वित करेगा कि यह ट्रक उचित प्रकरण और उचित सुरक्षा माप से सुसज्जित है सेप्टेन ट्रांसपोर्टर और उसका पंजीकरण हेतु प्रार्थना पत्र प्रस्तुत करेगा जो कि गाडियों के परिवहन हेतु होगा ये निजी व्यक्ति को भी व्यक्ति भी अपने इस कार्य में उत्साहित करेगें। पंजीकरण प्रपत्र और परिमट परिशिष्ट-ए. 2 में संलग्न है ।
6.2. कोई भी व्यक्ति या वाहन पंजीकृत सेप्टेज ट्रंसपोर्टर द्वारा प्रयोग किया जायेगा जो कि एकत्रीकरण परिवहन और सेप्टेज के प्रयोजन हेतु है जब तक इसका पंजीकरण सेप्टेज ट्रांसपोर्टर व्हीकल एस 0 सम 0 सी0 के साथ इन प्रोटोकाल में जब तक पंजीकृत नही है।
सरणी 1 पंजीकरण व्यय
अ. प्रारभिक पंजीकरण
2000.00 प्रति गाडी
ब . नवीनीकरण
50- 1500.00 प्रति गाडी
7. उपभोक्ता लागत और इसका संचयः
7.1 इस क्षेत्र के समस्त मालिक जो सेप्टिक टैंक और शौचालय के गड्ढे जिसका भुगतान करेगा जैसा कि यू0 एल0 बी0 में फेकल सलज और सेप्टेज उपनियम में समय -समय पर दर्शाया गया है जो कि सेप्टिक टैंक के भरने शौचालय के गडढे परिवहन और फेकल सलज एवं सेप्टेज के उपाय हेतु है । 7.2 इस क्षेत्र के समस्त मालिक जिनके अपने क्षेत्र में निरर्थक पानी के निष्कासन की प्रणाली उपलब्ध है जो कि यू०एल ०बी० कार्य एवं शिकायत हेतु प्रमाणित है और वे भी जो कि सीवर नेटवर्क से सम्बन्धित है उनको उपभोक्ता के भुगतान से विमुक्त किया जाता है ।
384
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई ० ( कार्तिक 04 , 1946 शक सम्वत्)
[भाग 8
7.3 यू0एल0बी0 अपनी लागत संशोधित करेगा जो कि समय - समय पर इससे सम्बन्धित है ऐसी उपभोक्ता लागत जिसके अन्तर्गत मल निस्तारण लागगत परिवहन एवं फेकल सलज और सेप्टेज के निष्कासन हेतु।
7.4 उपभोक्ता लागत क्षेत्र विशेष के स्वामी से एकत्र किये जाये जो निम्नवत है ।
अ. उपभोक्ता लागत प्रत्यक्ष रुप से सम्बन्धित भवन /सेप्टिक टैंक मालिक से यू० एल० बी ० द्वारा वसूल कर यू० एल० बी० में जमा किया जायेगा।
ब. यू० एल० बी ० किसी भी व्यक्ति को अधिकृत कर सकता है जिसके अन्तर्गत फेकल सलज और सेप्टेज परिवहन जो कि उपभोक्ता लागत से एकत्र की जायेगी जो किस उस क्षेत्र विशेष का स्वामी है और सेप्टिक टैंक और शौचालय के गडढे से सम्बन्धित है ।
सारणी 2. उपभोक्ता लागतः-
पंचायत क्षेत्र में सेप्टिक टैंक एवं हर एक मकान के शौचालय गड्ढे या किसी भी शिकायत के इस आशय की शिकायत प्राप्त होने पर कि सेप्टिक टैंक ओवर -प्लो तो नही हो रहा है तुरन्त पंचायत से सुपरवाईजर को भेज कर जाँच करवायेगें इसके अलावा नगर पंचायत चमियाला में सेप्टिक टैंक को खाली कराने के आवेदन के आने पर नगर पंचायत चमियाला द्वारा जाँच करायी जायेगी कि सेप्टिक टैंक कितना क्षेत्रफल का है और उसके खाली करो में कितने सीवर टैंकर के चक्कर लगेंगें । नजदीक होन पर निम्न प्रकार शुल्क वसूला जायेगा।
1- पंचायत के सीवर टैंकर की क्षमता
2.- पंचायत की सीमा के भीतर
5000 लीटर रु.15000 प्रति फेरा तथा रु0.1000 S.T.P. शुल्क
कुल रु 16000 भवन स्वामी पंचायत में शुल्क जमा करेगा सैप्टिक टैंक में ज्यादा फिकल होने पर दूसरे फेर
की स्थिति होने के कारण सम्बन्धित कर्मी के द्वारा सक्षम अधिकारी के अनुमोदन पश्चात दूसरे फेरे में 2000 छूट प्रदान की जायेगी।
3-पंचायत सीमा के बाहर
रु.15000 प्रति फेरा तथा 1000 S.T.P. शुल्क एवं रु०.500 प्रति किमी ० भवन स्वामी पंचायत में शुल्क जमा करेगा । सेप्टिक टैंक में ज्यादा फिकल होने पर दूसेर फेर की स्थिति होने के कारण सम्बन्धित कर्मी के द्वारा सक्षम अधिकारी के अनुमोदन पश्चात दूसरे फेरे में 2000 की छूट प्रदान की जायेगी ।
4- पंचायत द्वारा यह भी देखा जायेगा कि यदि कोई सेप्टिकं टैंक ज्यादा ही छोटा है तो निरीक्षण पश्चात तथा यह समाधान हो जाने पर कि सम्बन्धित सेप्टिक टैंक में 5000 लीटर का सीवर टैंक पूण नही भर पायेगा उपरोक्त निर्धारित दरों में आवश्यक छूट देकर शुल्क प्राप्त कर सकते है।
1
8 मैकेनिजम का निरीक्षण क्रियान्वयन और मजबूती देनाः भाग 8]
385
उत्तराखण्ड गजट , 26 अक्टूबर , 2024 ई० (कार्तिक 04, 1946 शक सम्वत्)
8. 1 कोई भी व्यक्ति जो कि एस ०एम ०सी० नगरीय स्थानीय संस्था द्वारा अधिकृत है उसको पूर्ण अधिकार होगा कि वह सेप्टिक एवं हर एक मकान के शौचालय गडढे या सामुदायिक /संस्थागत आदि का निरीक्षण करना ।
8.2 मल निस्तारण का अनुपालन न करना जैसा कि उपरोक्त वर्णित है जुर्माना अलग से लगाया जायेगा और इससे प्राप्त धनराशि नगर पंचायत चमियाला में जमा की जायेगी।
8.3 यू0 एल0 बी0 और परिचारक सेप्टिक टैंक के खाली होने का अभिलेख रखेगें ।
8.4 अवचेतना कार्यक्रम समय. समय पर चलाया जायेगा जो कि प्रत्येक व्यक्ति सरकार या निजी व्यवसायी के सेप्टिक टैंक बायोडाईजेस्टर मल निस्तारण सेप्टिक टैंक एकत्रीकरण मशीनरी परिवन निष्पादन और सेप्टेज का इलाज हेतु प्रशिक्षण होगा ।
9. दण्ड का ढांचा उपकरण से रहित /अकार्यशील जी०पी० एस० प्रणाली निर्धन वर्ग की शिकायतें ' फेकल सलज का एकत्र न करना और सेप्टेज ट्रीटमेन्ट प्लांट/आर.एन.एन. का रजिस्ट्रीकरण न करना सुरक्षित उपाय मल निस्तारण गाडियों का अनुपालन न करना ।
सारणी 3 दण्ड
शिकायत का प्रकार
क्रम संख्या
दण्ड या कार्यवाही प्रथम दृष्टय पकडी गयी वर्ष में एक बार मार मल निस्तारण
1
2500 लोगो की सेवा की शिकायत
2
1000 सेप्टेज/फेकलसलज जैसा कि विशेष कार्यक्षेत्र में खाली न करने पर
3
1000 पंजीकरण न करना /पंजीकरण की नवीनीकरण न करना
4
5000 विशेष सुरक्षा उपायों का पालन न करना एवं जी०पी० एस ० का न लगाया जाना
अजय कुमार अष्टवाल,
अधिशासी अधिकारी,
नगर पंचायत चमियाला,
टिहरी गढवाल ।
दण्ड या कार्यावाही वर्ष में दौबारा पकडी गयी मल निस्तारण वाहन सम्बन्धित से
दण्ड या कार्यावाही वर्ष में तीसरे समय पकडी गयी विशेष रुप से मल निस्तारण वाहन
5000
6 माह के लिए परमिट को स्थागित करना
3 महाठीने के लिए परिमिट सेवा की शिकायत परिमिट सेवा की शिकायत का निरस्तीकरण
20000
10000
आर0टी0ओ0 को संस्तुति वाहन के पंजीकरण को निरस्त करने हेतु 03 महीने के लिए परिमिट को स्थागित करना/परमिट का निस्तारण के लिए स्थगित करना
अपूर्वा सिंह,
प्रशासक,
नगर पंचायत चमियाला,
टिहरी गढवाल ।
पी० एस ० यू० (आर० ई० ) 43 हिन्दी गजट/ 467- भाग 8-2024 (कम्प्यूटर/ रीजियो) ।
मुद्रक एवम् प्रकाशक अपर निदेशक, राजकीय मुद्रणालय , उत्तराखण्ड, रुड़की ।