रजिस्टर्ड नं०-१०डी०-4
लाइसेन्स सं ०- डब्ल्यू०पी०-41 (लाइसेन्स्ड टू पोस्ट बिदाउट प्रीपेमेन्ट)
सरकारी गज़ट , उत्तर प्रदेश
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा प्रकाशित
खण्ड 76] प्रयागराज , शनिवार , 26 मार्च , 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्) [ संख्या 13
विषय-सूची
हर भाग के पन्ने अलग -अलग किये गये हैं , जिससे इनके अलग.अलग खण्ड बन सके ।
विषय
विषय
पृष्ठ संख्या
पृष्ठ
वार्षिक चन्दा
संख्या
वार्षिक चन्दा
रु०
रु० सम्पूर्ण गजट का मूल्य
3075 भाग 4-निदेशक, शिक्षा विभाग , उत्तर प्रदेश
975
975
331-368
भाग 5- एकाउन्टेन्ट जनरल , उत्तर प्रदेश
भाग 1 -विज्ञप्ति-अवकाश, नियुक्ति, स्थान-नियुक्ति, स्थानान्तरण, अधिकार और दूसरे वैयक्तिक नोटिस
भाग 6-( क) बिल, जो भारतीय संसद में प्रस्तुत किये गये या प्रस्तुत किये जाने से पहले प्रकाशित किये गये
975
(ख) सिलेक्ट कमेटियों की रिपोर्ट
1500
187-193
भाग 1 -क-नियम, कार्य-विधियां, आज्ञायें, विज्ञप्तियां इत्यादि . जिनको उत्तर प्रदेश के राज्यपाल महोदय, विभिन्न विभागों के अध्यक्ष तथा राजस्व परिषद् ने जारी किया
भाग 6-क-भारतीय संसद के ऐक्ट
भाग 1 -ख (1 ) औद्योगिक न्यायाधिकरणों के अभिनिर्णय
भाग 7-(क) बिल, जो राज्य की धारा सभाओं में प्रस्तुत किये जाने के पहले प्रकाशित किये गये
भाग 1 -ख (2 ) श्रम न्यायालयों के अभिनिर्णय
(ख) सिलेक्ट कमेटियों की रिपोर्ट
975
भाग 7-क- उत्तर प्रदेशीय धारा सभाओं के ऐक्ट
भाग 7-ख-इलेक्शन कमीशन ऑफ
इंडिया की अनुविहित तथा अन्य निर्वाचन सम्बन्धी विज्ञप्तियां
975
भाग 2-आज्ञायें, विज्ञप्तियां, नियम और नियम विधान, जिनको केन्द्रीय सरकार और अन्य राज्यों की सरकारों ने जारी किया, हाई कोर्ट की विज्ञप्तियां, भारत सरकार के गजट और दूसरे राज्यों के गजटों का उद्धरण
115-119 975
भाग -सरकारी कागज - पत्र, दवाई हुई रूई की गाठों का विवरण -पत्र, जन्म- मरण के आँकड़े , रोगग्रस्त होने वालों और मरने वालों के आँकड़े , फसल और ऋतु सम्बन्धी रिपोर्ट, बाजार भाव, सूचना, विज्ञापन इत्यादि
भाग 3-स्वायत्त शासन विभाग का क्रोड़पत्र, खण्ड क-नगरपालिका परिषद्, खण्ड ख-नगर पंचायत , खण्ड ग-निर्वाचन (स्थानीय निकाय) तथा खण्ड घ-जिला पंचायत
1425
975 स्टोर्स पर्चेज विभाग का क्रोड़ पत्र
47 क 332
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
भाग 1
विज्ञप्ति-अवकाश, नियुक्ति, स्थान-नियुक्ति, स्थानान्तरण , अधिकार और दूसरे वैयक्तिक नोटिस ।
गृह विभाग
[पुलिस सेवायें]
अनुभाग-2
कार्यालय-ज्ञाप
31 दिसम्बर , 2021 ई ०
सं० 1222डीजी/ छःपु०से०-2-21-522(87)/2021 टीसी- राज्य पुलिस सेवा से भारतीय पुलिस सेवा (उ ०प्र ० संवर्ग) में सेलेक्ट लिस्ट 2013 के आधार पर चयनित अधिकारियों की ज्येष्ठता मा ० उच्च न्यायालय , इलाहाबाद एवं खण्ड पीठ लखनऊ में योजित्त रिट याचिकाओं के अन्तिम निर्णय के अधीन गृह मंत्रालय, भारत सरकार, नई दिल्ली द्वारा अपने आदेश संख्या 1-15016/ 24/ 2021-आईपीएस-1 (पार्ट- II ), दिनांक14 दिसम्बर, 2021 के माध्यम से वर्ष 2008 के स्थान पर वर्ष 2007 बैच निर्धारित की गयी ।
2-गृह मंत्रालय, भारत सरकार, नई दिल्ली के उक्त आदेश दिनांक 14 दिसम्बर, 2021 में दिये गये निर्देशों के अनुपालन में सेलेक्ट लिस्ट 2013 के आधार पर चयनित अधिकारियों को उनके नाम के सम्मुख कालम-4 / 5 में अंकित तिथि से सेलेक्शन ग्रेड (वेतनमान पे मैट्रिक्स लेवल -13 , रु0 1,23,100-2,15,900) एवं पुलिस उपमहानिरीक्षक (वेतनमान पे मैट्रिक्स लेवल-13 ए, रु० 1,31,100-2,16,600) के पद पर पदोन्न्त किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
बैच
अधिकारी का नाम
क्र० सं०
सेलेक्शन ग्रेड अनुमन्य किये
जाने की तिथि
पुलिस उपमहानिरीक्षक के पद पर पदोन्नति की तिथि
4
1
2
3
सर्वश्री/श्रीमती-
1 भारती सिंह 2007 01-01-2020 01-01-2021
2 विपिन कुमार मिश्रा 2007 01-01-2020 01-01-2021
3 माधव प्रसाद वर्मा 2007 01-01-2020 01-01-2021
(से०नि० 30-06-2021)
4 सभाराज 2007 01-01-2020 01-01-2021
5 स्वामी प्रसाद 2007 01-01-2020 01-01-2021
6 सौमित्र यादव 2007 01-01-2020 01-01-2021
7 रमेश 2007 01-01-2020 01-01-2021
नोट-भारत सरकार , गृह मंत्रालय द्वारा उपरोक्तानुसार आवंटन वर्ष निर्धारित करते हुये यह भी निर्देश दिये गये हैं कि जो अधिकारी अधिवर्षता आयु पूर्ण कर सेवानिवृत्त हो चुके हैं । उन्हें काल्पनिक लाभ ही प्रदान किया जायेगा। "the officers retired on superannution the benefits may be re - fixed notionally" 333 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
पदोन्नति
सं० 1630/छःपु०से0-2-21-522 (95)/2021 - भारतीय पुलिस सेवा ( उ०प्र ० संवर्ग ) निम्नांकित अधिकारियों को उनके नाम के सम्मुख कालम -3 में अंकित तिथि या कार्यभार ग्रहण करने की तिथि जो भी बाद में हो. से पुलिस महानिदेशक के पद पर (वेतनमान पे मैट्रिक्स लेवल-16, रु0 2,05,400-2,24,400) पदोन्नत किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
क्र०
पदोन्नत्ति की तिथि अधिकारी का नाम/ वैच
2
3
1
01-01-2022 श्री अविनाश चन्द्र, आर आर -1990
2
01-08-2022 डॉ० संजय एम० तरड़े , आर आर-1990
2-श्री राज्यपाल यह भी स्वीकृति प्रदान करते हैं कि चयन वर्ष 2022 में केन्द्रीय प्रतिनियुक्ति पर तैनात पुलिस महानिदेशक स्तर के अधिकारी यदि प्रतिनियुक्ति से कार्यमुक्त होकर उ ०प्र० संवर्ग में योगदान देंगे तो ऐसी स्थिति में उक्त तालिका में अंकित अधिकारियों की पुलिस महानिदेशक के पद पर पदोन्नति की तिथि में परिवर्तन हो जायेगा ।
3-उपर्युक्त अधिकारियों की तैनाती के सम्बन्ध में आदेश अलग से निर्गत किये जायेंगे ।
सं० 1631 /छःपु० से०-2-21-522 (96)/2021-भारतीय पुलिस सेवा (उ० प्र ० संवर्ग) निम्नांकित अधिकारियों को उनके नाम के सम्मुख कालम-3 में अंकित तिथि या कार्यभार ग्रहण करने की तिथि, जो भी बाद में हो, से अपर पुलिस महानिदेशक के पद पर (वेतनमान पे मैट्रिक्स लेवल-15, रु0 1,82,200-2,24,100) पदोन्नत किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
पदोन्नति की तिथि अधिकारी का नाम
1
3
2
सर्वश्री-
01-01-2022 1
नवीन अरोरा, आर आर-1997
2
01-01-2022 मोहित अग्रवाल , आर आर-1997
3
01-01-2022 डा० गजेन्द्र कुमार गोस्वामी, आर आर-1997
4
01-01-2022 भजनी राम मीना, आर आर-1997
3-उपर्युक्त अधिकारियों की तैनाती के सम्बन्ध में आदेश अलग से निर्गत किये जायेंगे ।
सं० 1632/छःपु०से०-2-21-522 (93)/2021 - भारतीय पुलिस सेवा ( उ० प्र ० संवर्ग) के निम्नांकित अधिकारियों को पुलिस महानिरीक्षक के पद पर (वेतनमान पे मैट्रिक्स लेवल -14 , रु0 1,44,200-2,18,200) दिनांक 01 जनवरी, 2022 अथवा कार्यभार ग्रहण करने की तिथि, जो भी बाद में हो, से पदोन्नत किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
क्र०
बैच
अधिकारी का नाम
1
2
3
सर्वश्री-
1
डा० प्रीतिन्दर सिंह
आईपीएस -आरआर-2004
2
आईपीएस-आरआर-2004 लव कुमार
3
चन्द्र प्रकाश- II
आईपीएस-आरआर-2004
3 -उपर्युक्त अधिकारियों की तैनाती के सम्बन्ध में आदेश अलग से निर्गत किये जायेंगे ।
334
[भाग 1
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
सं०1633/छःपु०से०-2-21-522 (94)/2021- भारतीय पुलिस सेवा (उ ०प्र० संवर्ग) के निम्नांकित अधिकारियों को पुलिस उपमहानिरीक्षक के पद पर (वेतनमान पे मैट्रिक्स लेवल-13 ए, रु० 1,31,100-2,16,600) दिनांक 01 जनवरी , 2022 अथवा कार्यभार ग्रहण करने की तिथि , जो भी बाद में हो , से पदोन्नत किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
अधिकारी का नाम
क्र०
2
1
सर्वश्री-
सुरेश राव आनन्द कुलकर्णी
2
अमित वर्मा
3
एन० कोलान्ची
4
सर्वेश कुमार राना
5 श्रीपति मिश्र
6
अजय कुमार सिंह
7
जुगुल किशोर
8 विनोद कुमार मिश्रा
9 बालेन्दु भूषण सिंह
10
देवेन्द्र प्रताप नारायन पाण्डेय
11
सुधीर कुमार सिंह
12
डा० अरविन्द भूषण पाण्डेय
13
राजीव मल्होत्रा
आवंटन वर्ष
3
आईपीएस-आरआर-2008
आईपीएस-आरआर-2008
आईपीएस -आरआर-2008
आईपीएस-एसपीएस-2008
आईपीएस- एसपीएस -2008
आईपीएस- एसपीएस -2008
आईपीएस-एसपीएस -2008
आईपीएस-एसपीएस-2008
आईपीएस- एसपीएस-2008
आईपीएस-एसपीएस-2008
आईपीएस-एसपीएस -2008
आईपीएस-एसपीएस -2008
आईपीएस-एसपीएस-2008
3-उपर्युक्त अधिकारियों की तैनाती के सम्बन्ध में आदेश अलग से निर्गत किये जायेंगे ।
सं० 1634/छःपु०से०-2-21-522 (97) /2021- भारतीय पुलिस सेवा (उ ०प्र ० संवर्ग) के निम्नलिखित अधिकारियों को उनके नाम के सम्मुख कालम-4 में अंकित तिथि से भारतीय पुलिस सेवा का सेलेक्शन ग्रेड (वेतनमान पे मैट्रिक्स लेवल-13, रु0 1,23,100-2,15,900) अनुमन्य किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
क्र० अधिकारी का नाम
2
1
सर्वश्री-
1
आवंटन वर्ष
सेलेक्शन ग्रेड अनुमन्य किये जाने की तिथि
4
3
01-01-2022 आईपीएस-आरआर-2009
केशव कुमार चौधरी
2
01-01-2022 आईपीएस-आरआर-2009
अजय कुमार साहनी
3
01-01-2022 आईपीएस-आरआर-2009
पवन कुमार
4 अनीस अहमद अन्सारी
01-01-2022 आईपीएस-आरआर -2009 भाग 1 ]
335
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
1
2
सर्वश्री-
5
4
3
01-01-2022
आईपीएस-आरआर-2009
अखिलेश कुमार चौरसिया 6 शिवासिम्पी चन्नप्पा
01-01-2022
आईपीएस-आरआर-2009
7
01-01-2022
आईपीएस-आरआर -2009
दिनेश कुमार पी०
01-01-2022
आईपीएस-आरआर-2009
B मुनिराज जी०
9
01-01-2022
आईपीएस-आरआर-2009
बबलू कुमार
10
01-01-2022
आईपीएस- एसपीएस-2009
सन्तोष कुमार सिंह
01 जनवरी , 2022 ई०
सं० 1640/छःपु० से०-2-21-522(93)/2021-डॉ ० के० एजिलरसन , आईपीएस-आरआर-2004 (उ० प्र० संवर्ग), जो अन्तर्राज्यीय प्रतिनियुक्ति के आधार पर तमिलनाडु राज्य में तैनात है, को पुलिस महानिरीक्षक के पद पर (वेतनमान पे मैट्रिक्स लेवल -14 50 1,44,200-2,18,200) दिनांक 01 जनवरी , 2022 से प्रोफार्मा प्रोन्नति प्रदान किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं ।
आज्ञा से,
अवनीश कुमार अवस्थी, अपर मुख्य सचिव ।
पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग
अनुभाग-1
सेवानिवृत्ति
31 दिसम्बर, 2021 ई०
सं० 1235/81-1-2021-09/ 2011- कार्यालय, प्रधान मुख्य वन संरक्षक और विभागध्यक्ष, उ०प्र ० , लखनऊ के पत्रांक नि० व० सां०-29/10-2-6 (एस०ओ०) दिनांक 07 सितम्बर , 2021 द्वारा उपलब्ध कराये गये अभिलेखों के आधार पर श्री विनोद कुमार श्रीवास्तव, सांख्यिकीय अधिकारी अपनी अधिवर्षता आयु पूर्ण कर दिनांक 31 दिसम्बर, 2021 से सेवानिवृत्त माने जायेंगे ।
आज्ञा से,
रवि शंकर मिश्र, संयुक्त सचिव ।
महिला एवं बाल विकास विभाग
अनुभाग-1
अधिसूचना
24 दिसम्बर , 2021 ई ०
सं०1495(1 )/60-1-21-1/ 13 (69)/04-किशोर न्याय (बालकों की देख - रेख और संरक्षण) अधिनियम, 2015 की धारा 27 के अधीन प्राप्त शक्तियों का प्रयोग करके और उ ० प्र ० किशोर न्याय (बालकों की देख - रेख और संरक्षण) 336
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
नियम, 2019 के नियम 87 के अधीन गठित चयन समिति की संस्तुति पर श्री राज्यपाल के आदेशों से अधिसूचना संख्या 979/60-1-21-1/ 13 (69)/04, दिनांक 23 जुलाई, 2021 द्वारा विभिन्न जनपदों में बाल कल्याण समिति का गठन करते हुये अध्यक्ष / सदस्य को नियुक्त किया गया है । उक्त गठित समिति में कतिपय जनपदों हेतु चरित्र सत्यापन आख्या/ मा० चयन समिति की स्पष्ट संस्तुति तत्समय नहीं प्राप्त हुई थी, जो अब प्राप्त हो गयी है । अतः उक्त के परिणाम स्वरूप सूची में उल्लिखित व्यक्तियों को श्री राज्यपाल एतद्वारा सदस्य नियुक्त करते हैं-
अनुसूची
कौशाम्बी
पद
पता
क्रमांक
नाम
पिता/ पति का नाम
1
2
3
4
5
1
सदस्य विन्देश्वरी प्रसाद
झगडूलाल
ग्राम सेलरहा पूरब , पोस्ट- सेलरहा , ब्लाक सिराथू, जनपद-कौशाम्बी, 212217
2
सदस्य कृष्णादत्त द्विवेदी स्व ० श्याम किशोर द्विवेदी
नियर डिस्ट्रिक्ट कोर्ट, साईधाम , मंझानपुर, कौशाम्बी, 212207
हापुड
क्रमांक
पता
पद नाम
पिता/ पति का नाम
4
1
2
3
5
1
सदस्य इन्दुगोस्वामी बाबू राम गिरी 884, नई शिवपुरी, हापुड़ ( पंचशील नगर), 245101
उन्नाव
पद क्रमांक
नाम
पता
पिता/ पति का नाम
5 1
2
3
4
1
सदस्य राम प्रकाश बाजपेई 08 दरोगाबाग, उन्नाव, 229801
मीनूमिश्रा
श्रावस्ती
पद
पता
नाम
पिता/ पति का नाम
क्रमांक
2
5
3
1
4
1
सदस्य अम्बिका प्रसाद प्रजापति राम लाल
कटरा, श्रावस्ती, 271805
आज्ञासे.
अनीता सी० मेश्राम, प्रमुख सचिव ।
337 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
आयुष विभाग
अनुभाग -1
नियुक्ति/तैनाती
10 दिसम्बर , 2021 ई०
सं० 4428/96-आयुष-1-2021-231/2015 टी०सी०-लोक सेवा आयोग , उ०प्र ० , प्रयागराज पत्र संख्या 63/02/ डी० आर० / एस-11 /2016-17 टी० सी०-3 , दिनांक 09 जुलाई, 2021, द्वारा प्रदेश के राजकीय यूनानी महाविद्यालयों में प्रवक्ता निस्वां व कबालत के पद पर सीधी भर्ती के चयन की संस्तुति के आधार पर डा० मरियम रोकईया पुत्री मोहम्मद अनवार्लरहमान, निवासिनी म०नं0-284 , सिंह कटरा लेन, रायगंज रोड, अलहदादपुर, गोरखपुर , उत्तर प्रदेश को उत्तर प्रदेश राज्य आयुर्वेद एवं यूनानी महाविद्यालय अध्यापकों की सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 के अन्तर्गत पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल-10 (प्रयोज्य लेवल की प्रथम कोष्ठिका की राशि) के अन्तर्गत चिकित्सा शिक्षक यूनानी के पद पर मौलिक रूप से निम्नलिखित शतों एवं प्रतिबन्धों के अधीन अस्थाई रूप से राजकीय तकमील उत्तिब कालेज एवं चिकित्सालय, लखनऊ में प्रवक्ता निस्वां व कबालत के पद पर नियुक्त/ तैनात किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1) सम्बन्धित चिकित्सा शिक्षक को उत्तर प्रदेश राज्य आयुर्वेद एवं यूनानी महाविद्यालय अध्यापकों की सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 के नियम -19 के अधीन 02 वर्ष की परिवीक्षा पर रखा जायेगा ।
(2) नियुक्त अभ्यर्थी को उक्त वेतनमान के अतिरिक्त समय - समय पर जारी शासनादेशों के अन्तर्गत अनुमन्य महंगाई भत्ता तथा अन्य भत्ते इत्यादि भी देय होंगे ।
(3) वित्त (सामान्य) अनुभाग -3 की अधिसूचना संख्या सा-3-379 / दस-2005-31 (9)/ 2003 , दिनांक 28 मार्च, 2005 द्वारा लागू नवपरिभाषित अंशदान पेंशन योजना प्रवृत्त होगी ।
(4) सम्बन्धित अभ्यर्थी पर उत्तर प्रदेश राज्य आयुर्वेद एवं यूनानी महाविद्यालय अध्यापकों की सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 में उल्लिखित प्राविधान लागू होंगे ।
(5) नियुक्ति स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु किसी प्रकार का यात्रा- भत्ता आदि देय न होगा ।
(6) चरित्र सत्यापन रिपोर्ट में यदि कोई प्रतिकूल तथ्य पाया जाता है तो सम्बन्धित का नियुक्ति आदेश स्वतः निरस्त समझा जायेगा ।
(7) कार्यभार ग्रहण करने के पूर्व सम्बन्धित अभ्यर्थी को निम्न प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करने होंगे-
[1 ] 02 ऐसे राजपत्रित अधिकारियों, जो सक्रिय सेवा में हों और उनसे पूर्ण रूप से परिचित हों, किन्तु उनके सम्बन्धी न हों , से अच्छे चरित्र का प्रमाण-पत्र ।
[2] अभियोजन न चलाये जाने तथा मा० न्यायालय द्वारा दण्डित न किये जाने के सम्बन्ध में शपथ- पत्र ।
[3] भारतीय चिकित्सा केन्द्रीय परिषद् (नवीन नाम भारतीय चिकित्सा पद्धति राष्ट्रीय आयोग) द्वारा दिये गये स्थायी पंजीकरण की 02 प्रमाणित प्रतियां ।
[4] ओथ आफ एलीजियन्स का प्रमाण-पत्र ।
[5] गोपनीयता का प्रमाण-पत्र ।
[6] चल तथा अचल सम्पत्ति का प्रमाण -पत्र ।
338
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च , 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
[7] एक से अधिक पत्नी/ पति जीवित न होने का प्रमाण - पत्र ।
(8) सम्बन्धित प्रस्तर-7 में अंकित सभी प्रमाण -पत्र प्रधानाचार्य , राजकीय तकमील उत्तिमब कालेज एवं चिकित्सालय , लखनऊ के समक्ष एक माह के अन्दर प्रस्तुत करके योगदान की सूचना देंगे । यदि उक्त अवधि के भीतर वे अपने तैनाती स्थल पर योगदान की सूचना नहीं देते हैं, तो उनका अभ्यर्थन निरस्त करने पर शासन स्तर पर विचार किया जायेगा ।
(9 ) उत्तर प्रदेश राज्य आयुर्वेद एवं यूनानी महाविद्यालय अध्यापकों की सेवा नियमावली, 1990 यथा संशोधित 2008 में उक्त यूनानी चिकित्सा शिक्षक की वरिष्ठता लोक सेवा आयोग, उ० प्र० द्वारा प्राप्त श्रेष्ठता क्रम के आधार पर यथासमय नियमानुसार निर्धारित की जायेगी।
आज्ञा से, सुखलाल भारती, विशेष सचिव।
20 दिसम्बर, 2020 ई०
सं०4102/96-आयुष-1-2021-66/2011- उ ०प्र ० लोक सेवा आयोग , प्रयागराज द्वारा उत्तर प्रदेश के राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालयों में आयुर्वेद चिकित्साधिकारी के 521 पदों पर सीधी भर्ती द्वारा चयन के उपरान्त प्राप्त संस्तुति पत्र संख्या 21 / 01 /डी० आर ० / एस-11/2016-17, दिनांक 28 मई, 2020, पत्र संख्या 57 / 01 / डी० आर०/ एस- 11/2016-17, दिनांक 19 जून, 2020, पत्र संख्या 91 / 01 / डी० आर०/ एस -11 /2016-17, दिनांक 30 जून, 2020, पत्र संख्या 106/01 / डी० आर०/ एस-11 / 2016-17, दिनांक 17 जुलाई , 2020 एवं पत्र संख्या 145/01 / डी०आर०/एस- 11/2016-17, दिनांक 27 अगस्त, 2020 , पत्र संख्या 170 /01/ डी० आर० / एस -11 /2016-17, दिनांक16 सितम्बर, 2020 एवं पत्र संख्या 184 (1 ) / डी० आर० / एस-11 / 2016-17, दिनांक 23 जुलाई, 2021 के आधार पर चयनित आयुर्वेद चिकित्साधिकारियों में से श्री राज्यपाल महोदया द्वारा चयन क्रमांक-264 पर अंकित (रजिस्ट्रेशन क्रमांक-53000343882) (अनारक्षित सामान्य श्रेणी) श्री जितेन्द्र मणि त्रिपाठी, पुत्र श्री राम नारायण मणि त्रिपाठी, निवासी 557/ 25-क/5, ओमनगर, आलमबाग , लखनऊ -226005 को उत्तर प्रदेश राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली , 1990 यथा संशोधित 2008 के अन्तर्गत पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल -10 (प्रयोज्य लेवल की प्रथम कोष्ठिका की राशि) के अन्तर्गत मौलिक रूप से निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन अस्थाई रूप से राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय, हरदीचक, गोरखपुर में रिक्त पद पर नियुक्त / तैनात करने की सहर्ष स्वीकृति प्रदान करती हैं-
(1 ) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी को उ० प्र ० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेचा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 के नियम -17 के अधीन 02 वर्ष की परिवीक्षा पर रखा जायेगा ।
(2) नियुक्त चिकित्साधिकारियों को उक्त वेतनमान में वेतन के अतिरिक्त समय - समय पर जारी शासनादेशों के अन्तर्गत अनुमन्य महंगाई भत्ता तथा अन्य भत्ते आदि भी देय होंगे ।
(3) वित्त ( सामान्य) अनुभाग -3 की अधिसूचना संख्या सा-3-379/ दस-2005-31 (9 )/2003, दिनांक 28 मार्च, 2005 द्वारा लागू नवपरिभाषित अंशदान पेंशन योजना प्रवृत्त होगी ।
(4) सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों पर उ० प्र ० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 में उल्लिखित प्राविधान लागू होंगे ।
(5) नियुक्ति स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु किसी प्रकार का यात्रा- भत्ता आदि देय न होगा ।
(6) कार्यभार ग्रहण करने के पूर्व सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों को निम्न प्रमाण -पत्र प्रस्तुत करने होंगे-
[1 ] 02 ऐसे राजपत्रित अधिकारियों, जो सक्रिय सेवा में हों और उनसे पूर्ण रूप से परिचित हों, किन्तु उनके सम्बन्धी न हों, से अच्छे चरित्र का प्रमाण - पत्र ।
339 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
[2] अभियोजन न चलाये जाने तथा मा० न्यायालय द्वारा दण्डित न किये जाने के सम्बन्ध में शपथ - पत्र ।
[3] उ०प्र० भारतीय चिकित्सा परिषद् द्वारा दिये गये स्थायी पंजीकरण की 02 प्रमाणित प्रतियां ।
[4] ओथ आफ एलीजियन्स का प्रमाण- पत्र ।
[5] गोपनीयता का प्रमाण-पत्रः ।
[6] चल तथा अचल सम्पत्ति का प्रमाण-पत्र ।
[7] एक से अधिक पत्नी/ पति जीवित न होने का प्रमाण-पत्र ।
(7) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी उपरोक्त प्रस्तर-6 में अंकित सभी प्रमाण- पत्रों सहित अपनी तैनाती क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी, गोरखपुर के समक्ष एक माह के अन्दर प्रस्तुत करके योगदान की सूचना देंगे । यदि उक्त अवधि के भीतर वे अपनी तैनाती स्थल पर योगदान की सूचना नहीं देते हैं, तो उनका अभ्यर्थन निरस्त करने पर शासन स्तर पर विचार किया जायेगा ।
(8) उ० प्र ० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेद एवं यूनानी) सेवा संवर्ग में उक्त चिकित्साधिकारी की वरिष्ठत्ता लोक सेवा आयोग , उ ० प्र ० द्वारा प्राप्त श्रेष्ठता क्रम के आधार पर यथासमय नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(9) नवनियुक्त आयुर्वेद चिकित्साधिकारियों को राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथा संशोधित 2008 को 02 वर्ष की परिवीक्षा अवधि पर रखा जायेगा ।
(10) परिवीक्षा अवधि में चिकित्सकों को स्थानान्तरण की सुविधा अनुमन्य नहीं होगी , यह सुविधा उन्हें सफलता पूर्वक परिवीक्षा अवधि पूर्ण करने के उपरान्त ही प्राप्त होगी ।
यदि नवनियुक्त आयुर्वेद चिकित्साधिकारियों द्वारा ऐसे आदेशों के विरुद्ध दबाव डलवाने का प्रयास करेगा, तो उसके इस कृत्य / आचरण को 'सरकारी कर्मचारी आचरण नियमावली, 1956' के नियम -27 का उल्लंघन मानते हुये उसके विरुद्ध 'उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियमावली, 1999' के सुसंगत्त प्राविधानों के अनुसार कार्यवाही की जायेगी ।
(11) उक्त चयन/ नियुक्ति मा० उच्च न्यायालय , इलाहाबाद में योजित सिविल मिस रिट याचिका संख्या 4102/2020, डा0 अम्बरीश कुमार पाण्डेय व 10 अन्य बनाम उ०प्र ० राज्य व अन्य, रिट याचिका संख्या 11889/ एस ० एस ० / 2020 नरेन्द्र पाल व अन्य तथा सिविल मिस रिट नोटिस संख्या 2280/ एस ० एस ० / 2020 डा० रिनी भारद्वाज बनाम उ० प्र० राज्य व अन्य में पारित होने वाल अन्तिम निर्णय के अधीन होगा ।
27 दिसम्बर , 2020 ई०
सं०4693/96-आयुष-1-2021-66/ 2011-उ० प्र० लोक सेवा आयोग , प्रयागराज द्वारा उत्तर प्रदेश के राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्साधिकारी के 521 पदों पर सीधी भर्ती द्वारा चयन के उपरान्त प्राप्त संस्तुति पत्र संख्या 21/01 / डी० आर० / एस-11 / 2016-17, दिनांक 28 मई. 2020. पत्र संख्या 57 /01 / डी० आर० / एस-11/2016-17, दिनांक 19 जून, 2020, पत्र संख्या 91/ 01 / डी० आर० / एस-11 / 2016-17, दिनांक 30 जून, 2020, पत्र संख्या 106/01 / डी०आर ० / एस-11 / 2016-17, दिनांक 17 जुलाई, 2020 एवं पत्र संख्या 145 / 01 / डी० आर०/ एस- 11/2016-17, दिनांक 27 अगस्त, 2020, एवं 170/01 / डी० आर०/ एस -11 / 2016-17 , दिनांक 16 सितम्बर, 2020 एवं पत्र संख्या 184(1 )/ डी० आर० / एस-11 / 2016-17, दिनांक 23 जुलाई , 2021 के आधार पर चयनित आयुर्वेद चिकित्साधिकारियों में से श्री राज्यपाल महोदया द्वारा चयन क्रमांक-421 पर अंकित (रजिस्ट्रेशन क्रमांक -53000144546) (अनुसूचित जनजाति) कुमारी अर्चना, पुत्री श्री विद्या सागर, निवासी म० नं0-43 , ग्राम चन्दायर बलीपुर, पो० चैनपुर गुलौरा, तहसील बेलथरा रोड, जिला बलिया, उ 0 प्र0-221715 को उत्तर प्रदेश राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी)
48 क 340
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
सेवा नियमावली, 1990 यथा संशोधित 2008 के अन्तर्गत पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल-10 ( प्रयोज्य लेवल की प्रथम कोष्ठिका की राशि) के अन्तर्गत मौलिक रूप से निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन अस्थाई रूप से राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय , मझौलीराज, जनपद देवरिया में रिक्त पद पर नियुक्त/ तैनात करने की सहर्ष स्वीकृति प्रदान करती हैं-
(1 ) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी को उ० प्र ० राज्य चिकित्सा ( आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 के नियम -17 के अधीन 02 वर्ष की परिवीक्षा पर रखा जायेगा ।
(2) नियुक्त चिकित्साधिकारियों को उक्त वेतनमान में वेतन के अतिरिक्त समय - समय पर जारी शासनादेशों के अन्तर्गत अनुमन्य महंगाई भत्ता तथा अन्य भत्ते आदि भी देय होंगे ।
(3) वित्त ( सामान्य) अनुभाग-3 की अधिसूचना संख्या सा-3-379/ दस-2005-31 (9 )/2003, दिनांक 28 मार्च, 2005 द्वारा लागू नवपरिभाषित अंशदान पेंशन योजना प्रवृत्त होगी ।
(4) सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों पर उ ० प्र० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 में उल्लिखित प्राविधान लागू होंगे ।
(5) नियुक्ति स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु किसी प्रकार का यात्रा- भत्ता आदि देय न होगा ।
(6) कार्यभार ग्रहण करने के पूर्व सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों को निम्न प्रमाण- पत्र प्रस्तुत करने होंगे- [1 ] 02 ऐसे राजपत्रित अधिकारियों, जो सक्रिय सेवा में हों और उनसे पूर्ण रूप से परिचित हों, किन्तु उनके सम्बन्धी न हों, से अच्छे चरित्र का प्रमाण-पत्र ।
[2] अभियोजन न चलाये जाने तथा मा० न्यायालय द्वारा दण्डित न किये जाने के सम्बन्ध में शपथ- पत्र ।
[3] उ०प्र० भारतीय चिकित्सा परिषद् द्वारा दिये गये स्थायी पंजीकरण की 02 प्रमाणित प्रतियां ।
[4] ओथ आफ एलीजियन्स का प्रमाण-पत्र ।
[5] गोपनीयता का प्रमाण-पत्र ।
[6] घल तथा अचल सम्पत्ति का प्रमाण-पत्र ।
[7] एक से अधिक पत्नी/ पति जीवित न होने का प्रमाण -पत्र ।
(7) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी उपरोक्त प्रस्तर-6 में अंकित सभी प्रमाण- पत्रों सहित अपनी तैनाती क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी, देवरिया के समक्ष एक माह के अन्दर प्रस्तुत करके योगदान की सूचना देंगे । यदि उक्त अवधि के भीतर वे अपनी तैनाती स्थल पर योगदान की सूचना नहीं देते हैं, तो उनका अभ्यर्थन निरस्त करने पर शासन स्तर पर विचार किया जायेगा ।
(8) उ०प्र० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेद एवं यूनानी) सेवा संवर्ग में उक्त चिकित्साधिकारी की वरिष्ठता लोक सेवा आयोग, उ०प्र ० द्वारा प्राप्त श्रेष्ठता क्रम के आधार पर यथासमय नियमानुसार निर्धारित की जायेगी।
(9) नवनियुक्त आयुर्वेद चिकित्साधिकारियों को राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथा संशोधित 2008 को 02 वर्ष की परिवीक्षा अवधि पर रखा जायेगा ।
(10) परिवीक्षा अवधि में चिकित्सकों को स्थानान्तरण की सुविधा अनुमन्य नहीं होगी, यह सुविधा उन्हें सफलता पूर्वक परिवीक्षा अवधि पूर्ण करने के उपरान्त ही प्राप्त होगी ।
यदि नवनियुक्त आयुर्वेद चिकित्साधिकारियों द्वारा ऐसे आदेशों के विरुद्ध दबाव डलवाने का प्रयास करेगा, तो उसके इस कृत्य / आचरण को 'सरकारी कर्मचारी आचरण नियमावली, 1956' के नियम-27 का 341 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
उल्लंघन मानते हुये उसके विरुद्ध उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियमावली, 1999' के सुसंगत प्राविधानों के अनुसार कार्यवाही की जायेगी ।
(11 ) उक्त चयन/ नियुक्ति मा० उच्च न्यायालय , इलाहाबाद में योजित सिविल मिस रिट याचिका संख्या 4102/2020, डा० अम्बरीश कुमार पाण्डेय व 10 अन्य बनाम उ० प्र ० राज्य व अन्य, रिट याचिका संख्या 11889/ एस 0 एस0 / 2020 नरेन्द्र पाल व अन्य तथा सिविल मिस रिट नोटिस संख्या 2280/ एस० एस०/2020 डा० रिनी भारद्वाज बनाम उ ०प्र ० राज्य व अन्य में पारित होने वाल अन्तिम निर्णय के अधीन होगा ।
सं०4879/96-आयुष-1-2021-66/2011 -उ ०प्र ० लोक सेवा आयोग, प्रयागराज द्वारा उत्तर प्रदेश के राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्साधिकारी के 521 पदों पर सीधी भर्ती द्वारा चयन के उपरान्त प्राप्त संस्तुति पत्र संख्या 21/01 / डी० आर० / एस-11 /2016-17, दिनांक 28 मई, 2020, पत्र संख्या 57 / 01 / डी० आर० / एस -11 / 2016-17. दिनांक 19 जून, 2020 , पत्र संख्या 91 / 01 / डी० आर ० / एस -11 / 2016-17, दिनांक 30 जून , 2020, पत्र संख्या 106/01 /डी० आर ०/ एस-11 / 2016-17, दिनांक 17 जुलाई, 2020 एवं पत्र संख्या 145 /01 /डी० आर० / एस- 11/2016-17, दिनांक 27 अगस्त, 2020, एवं 170 / 01 / डी० आर०/ एस-11 / 2016-17 , दिनांक 16 सितम्बर , 2020 एवं पत्र संख्या 184(1 )/ डी०आर०/ एस -11 / 2016-17, दिनांक 23 जुलाई, 2021 के आधार पर चयनित आयुर्वेद चिकित्साधिकारियों में से श्री राज्यपाल महोदया द्वारा चयन क्रमांक -329 पर अंकित (रजिस्ट्रेशन क्रमांक-53000095921) (अनारक्षित सामान्य श्रेणी) सुश्री ज्योति यादव, पुत्री स्व० मुन्ना यादव, निवासी ग्राम खानपुर, पोस्ट काझाखुर्द, मोहम्मदाबाद, गोहना, जिला मऊ, उ० प्र०-276403 को उत्तर प्रदेश राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथा संशोधित 2008 के अन्तर्गत पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल-10 (प्रयोज्य लेवल की प्रथम कोष्ठिका की राशि) के अन्तर्गत मौलिक रूप से निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन अस्थाई रूप से राजकीय आयुर्वेदिक चिकित्सालय, तरकुलहां, जनपद देवरिया में रिक्त पद पर नियुक्त/ तैनात करने की सहर्ष स्वीकृति प्रदान करती हैं-
(1 ) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी को उ० प्र० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेचा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 के नियम-17 के अधीन 02 वर्ष की परिवीक्षा पर रखा जायेगा ।
(2) नियुक्त चिकित्साधिकारियों को उक्त वेतनमान में वेतन के अतिरिक्त समय - समय पर जारी शासनादेशों के अन्तर्गत अनुमन्य महंगाई भत्ता तथा अन्य भत्ते आदि भी देय होंगे ।
(3) वित्त ( सामान्य) अनुभाग -3 की अधिसूचना संख्या सा-3-379/ दस -2005-31 (9)/2003 , दिनांक 28 मार्च, 2005 द्वारा लागू नवपरिभाषित अंशदान पेंशन योजना प्रवृत्त होगी ।
(4) सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों पर उ०प्र ० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 में उल्लिखित प्राविधान लागू होंगे ।
(5) नियुक्ति स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु किसी प्रकार का यात्रा-भत्ता आदि देय न होगा ।
(6) कार्यभार ग्रहण करने के पूर्व सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों को निम्न प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करने होंगे-
[1] 02 ऐसे राजपत्रित अधिकारियों, जो सक्रिय सेवा में हों और उनसे पूर्ण रूप से परिचित हों, किन्तु उनके सम्बन्धी न हों, से अच्छे चरित्र का प्रमाण-पत्र ।
[2] अभियोजन न चलाये जाने तथा मा० न्यायालय द्वारा दण्डित्त न किये जाने के सम्बन्ध में शपथ-पत्र ।
[3] उ०प्र ० भारतीय चिकित्सा परिषद् द्वारा दिये गये स्थायी पंजीकरण की 02 प्रमाणित प्रतियां ।
[4] ओथ आफ एलीजियन्स का प्रमाण -पत्र ।
342
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
[5] गोपनीयता का प्रमाण-पत्र ।
[6] चल तथा अचल सम्पत्ति का प्रमाण-पत्र ।
[7] एक से अधिक पत्नी/ पति जीवित न होने का प्रमाण-पत्र ।
(7) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी उपरोक्त प्रस्तर-6 में अंकित सभी प्रमाण- पत्रों सहित अपनी तैनाती क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी , देवरिया के समक्ष एक माह के अन्दर प्रस्तुत करके योगदान की सूचना देंगे । यदि उक्त अवधि के भीतर वे अपनी तैनाती स्थल पर योगदान की सूचना नहीं देते हैं, तो उनका अभ्यर्थन निरस्त करने पर शासन स्तर पर विचार किया जायेगा ।
(8) उ ०प्र ० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेद एवं यूनानी) सेवा संवर्ग में उक्त चिकित्साधिकारी की वरिष्ठता लोक सेवा आयोग, उ०प्र ० द्वारा प्राप्त श्रेष्ठत्ता क्रम के आधार पर यथासमय नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(9) नवनियुक्त आयुर्वेद चिकित्साधिकारियों को राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथा संशोधित 2008 को 02 वर्ष की परिवीक्षा अवधि पर रखा जायेगा ।
(10) परिवीक्षा अवधि में चिकित्सकों को स्थानान्तरण की सुविधा अनुमन्य नहीं होगी , यह सुविधा उन्हें सफलता पूर्वक परिवीक्षा अवधि पूर्ण करने के उपरान्त ही प्राप्त होगी ।
यदि नवनियुक्त आयुर्वेद चिकित्साधिकारियों द्वारा ऐसे आदेशों के विरुद्ध दबाव डलवाने का प्रयास करेगा, तो उसके इस कृत्य / आचरण को 'सरकारी कर्मचारी आचरण नियमावली , 1956' के नियम-27 का उल्लंघन मानते हुये उसके विरुद्ध 'उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियमावली, 1999' के सुसंगत प्राविधानों के अनुसार कार्यवाही की जायेगी।
(11 ) उक्त चयन / नियुक्ति मा० उच्च न्यायालय, इलाहाबाद में योजित सिविल मिस रिट याचिका संख्या 4102/2020, डा0 अम्बरीश कुमार पाण्डेय व 10 अन्य बनाम उ ० प्र ० राज्य व अन्य , रिट याचिका संख्या 11889/ एस ० एस ०/2020 नरेन्द्र पाल व अन्य तथा सिविल मिस रिट नोटिस संख्या 2280/ एस० एस०/2020 डा0 रिनी भारद्वाज बनाम उ०प्र ० राज्य व अन्य में पारित होने वाल अन्तिम निर्णय के अधीन होगा ।
31 दिसम्बर , 2021 ई०
सं० 4938/96-आयुष-1-2021-203/ 2020टी०सी० उ ०प्र० लोक सेवा आयोग , प्रयागराज द्वारा उत्तर प्रदेश के राजकीय यूनानी चिकित्सालयों में यूनानी चिकित्साधिकारी (बैंकलाग) के अग्रेनीत पदों के सापेक्ष 08 पदों पर सीधी भर्ती द्वारा चयन के उपरान्त पत्र संख्या 297 / 04/ डी० आर० / एस-11 / 2009-10टी० सी०, दिनांक 04 मार्च, 2021 के माध्यम से उपलब्ध करायी गयी संस्तुति के आधार पर चयनित यूनानी चिकित्साधिकारियों में से श्री राज्यपाल द्वारा (क्रमांक/ रजिस्ट्रेशन नम्बर 03/53300047536) (अनुसूचित जाति/ महिला) डा० दीपिका प्रियदर्शिनी, पुत्री श्री मनोज कुमार, निवासी म० नं० 145, एक मिनार वाली मस्जिद के पास , मो ० एमन जई, जलाल नगर, जिला शाहजहांपुर, उ0प्र0-242001 को उत्तर प्रदेश राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित के अन्तर्गत पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल -10 (प्रयोज्य लेवल की प्रथम कोष्ठिका की राशि) के अन्तर्गत मौलिक रूप से निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन अस्थाई रूप से राजकीय यूनानी चिकित्सालय , मौदहा, जनपद हमीरपुर में रिक्त पद पर नियुक्त/ तैनात करने की सहर्ष स्वीकृति प्रदान करती है-
(1 ) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी को उ० प्र ० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 के नियम-17 के अधीन 02 वर्ष की परिवीक्षा पर रखा जायेगा ।
(2) नियुक्त चिकित्साधिकारियों को उक्त वेतनमान में वेतन के अतिरिक्त समय -समय पर जारी शासनादेशों के अन्तर्गत अनुमन्य महंगाई भत्ता तथा अन्य भत्ते आदि भी देय होंगे ।
343 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
(3) वित्त (सामान्य) अनुभाग -3 की अधिसूचना संख्या सा-3-379/ दस-2005-31 (9 )/2003, दिनांक 28 मार्च, 2005 द्वारा लागू नवपरिभाषित अंशदान पेंशन योजना प्रवृत्त होगी ।
(4) सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों पर उ ० प्र० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 में उल्लिखित प्राविधान लागू होंगे ।
(5) नियुक्ति स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु किसी प्रकार का यात्रा - भत्ता आदि देय न होगा ।
(6) कार्यभार ग्रहण करने के पूर्व सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों को निम्न प्रमाण -पत्र प्रस्तुत करने होंगे-
[1] 02 ऐसे राजपत्रित अधिकारियों, जो सक्रिय सेवा में हों और उनसे पूर्ण रूप से परिचित हों, किन्तु उनके सम्बन्धी न हों, से अच्छे चरित्र का प्रमाण-पत्र ।
[2] अभियोजन न चलाये जाने तथा मा ० न्यायालय द्वारा दण्डित न किये जाने के सम्बन्ध में शपथ - पत्र ।
[3] उ०प्र० भारतीय चिकित्सा परिषद् द्वारा दिये गये स्थायी पंजीकरण की 02 प्रमाणित प्रतियां ।
[4] ओथ आफ एलीजियन्स का प्रमाण-पत्र ।
[5] गोपनीयता का प्रमाण-पत्र ।
[6] चल तथा अचल सम्पत्ति का प्रमाण -पत्र ।
[7 ] एक से अधिक पत्नी / पति जीवित न होने का प्रमाण -पत्र ।
(7) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी उपरोक्त प्रस्तर-6 में अंकित सभी प्रमाण- पत्रों सहित अपनी तैनाती क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी, हमीरपुर के समक्ष एक माह के अन्दर प्रस्तुत करके योगदान की सूचना देंगे । यदि उक्त अवधि के भीतर वे अपनी तैनाती स्थल पर योगदान की सूचना नहीं देते हैं, तो उनका अभ्यर्थन निरस्त करने पर शासन स्तर पर विचार किया जायेगा ।
(8 ) उ०प्र० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेद एवं यूनानी) सेवा संवर्ग में उक्त चिकित्साधिकारी की वरिष्ठता लोक सेवा आयोग, उ०प्र ० द्वारा प्राप्त श्रेष्ठता क्रम के आधार पर यथासमय नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(9) परिवीक्षा अवधि में चिकित्सकों को स्थानान्तरण की सुविधा अनुमन्य नहीं होगी, यह सुविधा उन्हें सफलता पूर्वक परिवीक्षा अवधि पूर्ण करने के उपरान्त ही प्राप्त होगी ।
यदि नवनियुक्त यूनानी चिकित्साधिकारी द्वारा ऐसे आदेशों के विरुद्ध दबाव डलवाने का प्रयास किया जायेगा, तो उसके इस कृत्य/ आचरण को सरकारी कर्मचारी आचरण नियमावली, 1956' के नियम-27 का उल्लंघन मानते हुये उसके विरुद्ध उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियमावली, 1999' के सुसंगत प्राविधानों के अनुसार कार्यवाही की जायेगी ।
05जनवरी, 2022 ई०
सं० 43/96-आयुष-1-2022-203/2020टी०सी० उ ०प्र ० लोक सेवा आयोग , प्रयागराज द्वारा उत्तर प्रदेश के राजकीय यूनानी चिकित्सालयों में यूनानी चिकित्साधिकारी (बैकलाग ) के अग्रेनीत पदों के सापेक्ष 08 पदों पर सीधी भर्ती द्वारा चयन के उपरान्त पत्र संख्या 297 / 04/ डी० आर० ,7 /04/ डी० आर० / एस-11 / 2009-10टी० सी० , दिनांक 04 मार्च, 2021 के माध्यम से उपलब्ध करायी गयी संस्तुति के आधार पर चयनित यूनानी चिकित्साधिकारियों में से श्री राज्यपाल द्वारा (क्रमांक/ रजिस्ट्रेशन नम्बर 07/53300047794) (अनुसूचित जाति/ महिला) डा० नेहा भारती, पुत्री श्री परशुराम, निवासी म0नं0-145, एक मिनार वाली मस्जिद के पास मो० एमन जई, जलाल नगर, जिला शाहजहांपुर , उ0 प्र0-242001 को उत्तर प्रदेश राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित के अन्तर्गत पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल-10 ( प्रयोज्य लेवल की प्रथम कोष्ठिका की राशि) के अन्तर्गत मौलिक रूप से निम्नलिखित शर्तों एवं 344
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
[भाग 1
प्रतिबन्धों के अधीन अस्थाई रूप से राजकीय यूनानी चिकित्सालय, सिसौरा नासिर, जनपद लखीमपुर में रिक्त पद पर नियुक्त/ तैनात करने की सहर्ष स्वीकृति प्रदान करती है-
(1) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी को उ०प्र ० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 के नियम-17 के अधीन 02 वर्ष की परिवीक्षा पर रखा जायेगा ।
(2) नियुक्त चिकित्साधिकारियों को उक्त वेतनमान में वेतन के अतिरिक्त समय - समय पर जारी शासनादेशों के अन्तर्गत अनुमन्य महंगाई भत्ता तथा अन्य भत्ते आदि भी देय होंगे ।
(3) वित्त (सामान्य) अनुभाग -3 की अधिसूचना संख्या सा-3-379/ दस- 2005-31 (9) /2003 , दिनांक 28 मार्च, 2005 द्वारा लागू नवपरिभाषित अंशदान पेंशन योजना प्रवृत्त होगी ।
(4) सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों पर उ० प्र० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 में उल्लिखित प्राविधान लागू होंगे ।
(5) नियुक्ति स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु किसी प्रकार का यात्रा- भत्ता आदि देय न होगा ।
(6) कार्यभार ग्रहण करने के पूर्व सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों को निम्न प्रमाण- पत्र प्रस्तुत्त करने होंगे- [1 ] 02 ऐसे राजपत्रित अधिकारियों, जो सक्रिय सेवा में हों और उनसे पूर्ण रूप से परिचित हों, किन्तु उनके सम्बन्धी न हों , से अच्छे चरित्र का प्रमाण- पत्र ।
[2] अभियोजन न चलाये जाने तथा मा० न्यायालय द्वारा दण्डित न किये जाने के सम्बन्ध में शपथ-पत्र ।
[3] उ ०प्र० भारतीय चिकित्सा परिषद् द्वारा दिये गये स्थायी पंजीकरण की 02 प्रमाणित प्रतियां ।
[4] ओथ आफ एलीजियन्स का प्रमाण-पत्र ।
[5] गोपनीयता का प्रमाण-पत्र ।
[6] चल तथा अचल सम्पत्ति का प्रमाण-पत्र ।
[7] एक से अधिक पत्नी/ पति जीवित न होने का प्रमाण-पत्र ।
(7) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी उपरोक्त प्रस्तर-6 में अंकित सभी प्रमाण- पत्रों सहित अपनी तैनाती क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी, लखीमपुर के समक्ष एक माह के अन्दर प्रस्तुत करके योगदान की सूचना देंगे । यदि उक्त अवधि के भीतर वे अपनी तैनाती स्थल पर योगदान की सूचना नहीं देते हैं, तो उनका अभ्यर्थन निरस्त करने पर शासन स्तर पर विचार किया जायेगा ।
(8) उ०प्र० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेद एवं यूनानी) सेवा संवर्ग में उक्त चिकित्साधिकारी की वरिष्ठता लोक सेवा आयोग , उ०प्र० द्वारा प्राप्त श्रेष्ठता क्रम के आधार पर यथासमय नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(9) परिवीक्षा अवधि में चिकित्सकों को स्थानान्तरण की सुविधा अनुमन्य नहीं होगी, यह सुविधा उन्हें सफलता पूर्वक परिवीक्षा अवधि पूर्ण करने के उपरान्त ही प्राप्त होगी ।
यदि नवनियुक्त यूनानी चिकित्साधिकारी द्वारा ऐसे आदेशों के विरुद्ध दबाव डलवाने का प्रयास किया जायेगा, तो उसके इस कृत्य/ आचरण को 'सरकारी कर्मचारी आचरण नियमावली, 1956' के नियम-27 का उल्लंघन मानते हुये उसके विरुद्ध उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियमावली, 1999' के सुसंगत प्राविधानों के अनुसार कार्यवाही की जायेगी ।
सं० 44/96-आयुष-1-2022-203/ 2020टी० सी० उ० प्र ० लोक सेवा आयोग, प्रयागराज द्वारा उत्तर प्रदेश के राजकीय यूनानी चिकित्सालयों में यूनानी चिकित्साधिकारी (बैकलाग) के अग्रेनीत पदों के सापेक्ष 08 पदों पर सीधी मर्ती द्वारा चयन के उपरान्त पत्र संख्या 297 / 04/ डी० आर० / एस-11 / 2009-10टी० सी० , दिनांक 04 मार्च, 2021 के माध्यम 345 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
से उपलब्ध करायी गयी संस्तुत्ति के आधार पर चयनित यूनानी चिकित्साधिकारियों में से श्री राज्यपाल द्वारा (क्रमांक/ रजिस्ट्रेशन नम्बर 11/53300047916) (अनुसूचित जाति/ महिला) डा० वन्दना रजक, पुत्री श्री इन्द्रजीत रजक, निवासी म०नं0-804 , खाती बाबा ईसाई टोला, जिला झांसी, उ0प्र0-284003 को उत्तर प्रदेश राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित के अन्तर्गत पुनरीक्षित वेतन मैट्रिक्स के लेवल -10 (प्रयोज्य लेवल की प्रथम कोष्ठिका की राशि) के अन्तर्गत मौलिक रूप से निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन अस्थाई रूप से राजकीय यूनानी चिकित्सालय , नगर हरदौली, जनपद बांदा में रिक्त पद पर नियुक्त/ तैनात करने की सहर्ष स्वीकृति प्रदान करती हैं-
(1) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी को उ० प्र० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली , 1990 यथासंशोधित 2008 के नियम-17 के अधीन 02 वर्ष की परिवीक्षा पर रखा जायेगा ।
(2) नियुक्त चिकित्साधिकारियों को उक्त वेतनमान में वेतन के अतिरिक्त समय- समय पर जारी शासनादेशों के अन्तर्गत अनुमन्य महंगाई भत्ता तथा अन्य भत्ते आदि भी देय होंगे ।
(3) वित्त (सामान्य) अनुभाग -3 की अधिसूचना संख्या सा-3-379/ दस-2005-31 (9)/2003, दिनांक 28 मार्च, 2005 द्वारा लागू नवपरिभाषित अंशदान पेंशन योजना प्रवृत्त होगी ।
(4) सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों पर उ०प्र० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेदिक एवं यूनानी) सेवा नियमावली, 1990 यथासंशोधित 2008 में उल्लिखित प्राविधान लागू होंगे ।
(5) नियुक्ति स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु किसी प्रकार का यात्रा- मत्ता आदि देय न होगा ।
(6) कार्यभार ग्रहण करने के पूर्व सम्बन्धित चिकित्साधिकारियों को निम्न प्रमाण - पत्र प्रस्तुत करने होंगे- [1 ] 02 ऐसे राजपत्रित अधिकारियों, जो सक्रिय सेवा में हों और उनसे पूर्ण रूप से परिचित हों, किन्तु उनके सम्बन्धी न हों, से अच्छे चरित्र का प्रमाण-पत्र ।
[2] अभियोजन न चलाये जाने तथा मा० न्यायालय द्वारा दण्डित न किये जाने के सम्बन्ध में शपथ- पत्र ।
[3] उ ०प्र० भारतीय चिकित्सा परिषद् द्वारा दिये गये स्थायी पंजीकरण की 02 प्रमाणित्त प्रतियां ।
[4] ओथ आफ एलीजियन्स का प्रमाण-पत्र ।
[5] गोपनीयता का प्रमाण-पत्र।
[6] चल तथा अचल सम्पत्ति का प्रमाण-पत्र ।
[7] एक से अधिक पत्नी/ पति जीवित न होने का प्रमाण-पत्र ।
(7) सम्बन्धित चिकित्साधिकारी उपरोक्त प्रस्तर-6 में अंकित सभी प्रमाण - पत्रों सहित अपनी तैनाती क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी, बांदा के समक्ष एक माह के अन्दर प्रस्तुत करके योगदान की सूचना देंगे । यदि उक्त अवधि के भीतर वे अपनी तैनाती स्थल पर योगदान की सूचना नहीं देते हैं, तो उनका अभ्यर्थन निरस्त करने पर शासन स्तर पर विचार किया जायेगा ।
(8) उ० प्र ० राज्य चिकित्सा (आयुर्वेद एवं यूनानी) सेवा संवर्ग में उक्त चिकित्साधिकारी की वरिष्ठता लोक सेवा आयोग , उ० प्र ० द्वारा प्राप्त श्रेष्ठत्ता क्रम के आधार पर यथासमय नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(9) परिवीक्षा अवधि में चिकित्सकों को स्थानान्तरण की सुविधा अनुमन्य नहीं होगी, यह सुविधा उन्हें सफलता पूर्वक परिवीक्षा अवधि पूर्ण करने के उपरान्त ही प्राप्त होगी ।
यदि नवनियुक्त यूनानी चिकित्साधिकारी द्वारा ऐसे आदेशों के विरुद्ध दबाव डलवाने का प्रयास किया जायेगा, तो उसके इस कृत्य/ आचरण को सरकारी कर्मचारी आचरण नियमावली , 1956 के नियम-27 का उल्लंघन मानते हुये उसके विरुद्ध उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक (अनुशासन एवंअपील) नियमावली, 1999' के सुसंगत प्राविधानों के अनुसार कार्यवाही की जायेगी ।
आज्ञा से, शैलेन्द्र कुमार, संयुक्त सचिव ।
346
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
[भाग 1
सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग
अनुभाग -13
औपबंधिक नियुक्ति
03 नवम्बर, 2021 ई०
सं० 1508/ सत्ताईस-13-2021-49/ 21-लोक सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य /विशेष चयन) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता (सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग , उ ० प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री मार्शल प्रताप सिंह पुत्र श्री विजय राज सिंह का विवरण निम्नवत् है-
पत्र व्यवहार का पता क्र०
स्थाई पता
जन्म-तिथि
गृह
अनुक्रमांक
अभ्युक्ति
जनपद
नाम/पिता कानाम
सर्वश्री-
134994
20 मार्शल प्रताप 10-01-1996
सतना मार्शल प्रताप सिंह, ग्राम
मार्शल प्रताप सिंह, ग्राम सिंह/विजय
(मध्य महादेवा, पो० बिहरा नं०
महादेवा, पो० बिहरा नं० 1, राज सिंह
तहसील कोटार सतना,
प्रदेश) 1. तहसील कोटार
मध्य प्रदेश -485226
सतना, मध्य प्रदेश-
485226
2-शासनादेश संख्या 04/ 2021 /1/4/2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग, उ ०प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ० प्र ० में सहायक अभियन्ता (सिविल ) के पद पर वेतन बैण्ड रु0 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ०प्र ० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1 ) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति- पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/ विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण-पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार , इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति / पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा- भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
347 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ - साथ शासन द्वारा समय- समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह मली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/2021 / 1 /4/2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण- पत्र ।
[ II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल -अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[ III] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा- पत्र ।
सं० 1509/ सत्ताईस-13-2021-49 /21-लोक सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य/ विशेष चयन) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता ( सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी मर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग , उ०प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेत्तु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री सागर सिंह मेहत्ता पुत्र श्री नरेन्द्र सिंह मेहता का विवरण निम्नवत् है-
क्र०
स्थाई पता
पत्र व्यवहार का पता जन्म तिथि अनुक्रमांक
अभ्युक्ति
गृह जनपद
नाम/पिता का नाम
सर्वश्री-
सिंह 06-06-1992 84000
चांदी बिल्डिंग मेहता/ नरेन्द्र
सोनभद्र मे० चांदी बिल्डिंग
मैटेरियल्स, चांदी
मैटेरियल्स, चांदी तिराहा, 21 सागर सिंह मेहता
तिराहा, बाई पास रोड
बाई पास रोड सोनमद्र,
सोनमद्र, उ0प्र0-231216 मे० उ०प्र०-231216
2-शासनादेश संख्या 04/2021/1 /4/2011-का-4-2021 , दिनांक29 अप्रैल , 2021 में उल्लिखित्त व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग , उ०प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ० प्र ० में सहायक अभियन्ता (सिविल ) के पद पर वेतन बैण्ड रु0 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में
49 क 348
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ ० प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शतों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति-पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शत्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण- पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार, इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ- साथ शासन द्वारा समय-समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण- पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/2021 /1 / 4 /2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल , 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा- पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण- पत्र ।
[ II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल -अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[ III] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
भाग 1 ]
349
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
सं० 1510/ सत्ताईस-13-2021-49/21-लोक सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य/ विशेष चयन) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता (सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग, उ ०प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री शिव कुमार शुक्ला पुत्र स्व० गणेश दत्त शुक्ला का विवरण निम्नवत् है-
नाम/पिता जन्म- तिथि अनुक्रमांक गृह क्र०
जनपद का नाम
सर्वश्री-
27262
शिव कुमार 03-07-1993
22
स्थाई पता पत्र व्यवहार का पत्ता अभ्युक्ति
शिव कुमार शुक्ला
गोरखपुर शुक्ला/
शिव कुमार शुक्ला पुत्र अयोग द्वारा स्व० गणेश दत्त शुक्ला, सशर्त संस्तुत
पुत्र स्व० गणेश दत्त
स्व० गणेश
म०नं० 250 गांव मझिगांवा, अनापत्ति
शुक्ला, म०नं० 250
गांव मझिगांवा, पो०
दत्त शुक्ला
पो०आ०, कनईल, थाना प्रमाण-पत्र
आ० , कनईल, थाना
बेलीपार, गोरखपुर, उ ०प्र०- (N.O.C. )
प्राप्त किये जाने
बेलीपार, गोरखपुर, 273413
के उपरान्त ही
उ0प्र0-273413
योगदान आख्या
स्वीकार की
जाये
2-शासनादेश संख्या04/2021 /1 /4/ 2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग , उ ० प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ०प्र० में सहायक अभियन्ता (सिविल) के पद पर वेतन बैण्ड रु 0 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1 ) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति-पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण -पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार, इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
350
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ- साथ शासन द्वारा समय - समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशतं संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/2021/1 /4/ 2011- का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल , 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण- पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण- पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[ II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल-अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[III ] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
सं० 1511/ सत्ताईस-13-2021-49/21-लोक सेवा आयोग , उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य / विशेष चयन ) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता ( सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग, उ०प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री सौरभ त्रिपाठी पुत्र श्री नागेश दत्त त्रिपाठी का विवरण निम्नवत् है-
स्थाई पता पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति जन्म तिथि अनुक्रमांक
क्र० नाम/ पिता का नाम
गृह जनपद
सर्वश्री-
रोहतास अक्ध नारायन तिवारी, श्री सतीश शर्मा, हाउस
33123
23 सौरम त्रिपाठी/ 21-05-1997 नागेश त्रिपाठी दत्त
(सासाराम) ग्राम खैरा, पो० दुमारी नं0 27ए लेन नं0 2 बिहार रोहताश सासाराम, केशव नगर सिविल बिहार-821104 लाईन्स, जयपुर राजस्थान- 302006
2-शासनादेश संख्या04/ 2021 /1 /4/ 2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग , उ ० प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन 351 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
विभाग, उ० प्र ० में सहायक अभियन्ता (सिविल) के पद पर वेतन बैण्ड रु० 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति- पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण -पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण -पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार, इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ- साथ शासन द्वारा समय - समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/2021 /1 / 4/ 2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा- पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्वित्त करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण - पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[I ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[ II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल -अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[III ] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[ IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
352
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
सं० 1512/ सत्ताईस-13-2021-49/21-लोक सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य/विशेष चयन) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता (सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग , उ०प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्तिहेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री अभिषेक कुमार द्विवेदी पुत्र श्री अनुरोग द्विवेदी का विवरण निम्नवत् है-
स्थाई पता
क्र०
अभ्युक्ति जन्म तिथि अनुक्रमांक
पत्र व्यवहार का पता नाम/पिता का नाम
गृह जनपद
सर्वश्री-
भोपाल (मध्य
24 अभिषेक कुमार 13-02-1993 65706 द्विवेदी/अनुराग
द्विवेदी
प्रदेश)
अभिषेक कुमार द्विवेदी अभिषेक कुमार द्विवेदी बी-455, सर्वधर्म बी-455, सर्ववर्म कालोनी, कालोनी, कोलार रोड, कोलार रोड, भोपाल मध्य भोपाल मध्य प्रदेश प्रदेश-462042 462042
2-शासनादेश संख्या04/2021/1/4/ 2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग, उ०प्र ०, प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ०प्र ० में सहायक अभियन्ता (सिविल) के पद पर वेतन बैण्ड रु0 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्तिकिये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1 ) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा- पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति- पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/ विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण-पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार, इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ- साथ शासन द्वारा समय -समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- 353 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
पत्र/कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/ 2021/1 /4/2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा- पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण- पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ 1 ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[II] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल-अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[III ] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा- पत्र ।
सं० 1513/ सत्ताईस-13-2021-49/21-लोक सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य / विशेष चयन ) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता (सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग , उ०प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री उत्कर्ष गोयल पुत्र श्री प्रमोद कुमार गोयल का विवरण निम्नवत् है-
स्थाई पता पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति जन्म-तिथि अनुक्रमांक
क्र०. नाम/ पिता का नाम
गृह जनपद
सर्वश्री-
61444
25 उत्कर्ष गोयल/ 10-08-1996 प्रमोद कुमार गोयल
मेरठ उत्कर्ष गोयल, 511/1 उत्कर्ष गोयल, 511/1 फूलबाग कालोनी, फूलबाग कालोनी, नगर नगर निगम डिपो के निगम डिपो के सामने, सामने, मेरठ, उ०प्र०- मेरठ, जा०प्र०-250002
250002
2-शासनादेश संख्या04/2021 /1 /4/2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग , उ ०प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ० प्र ० में सहायक अभियन्ता (सिविल) के पद पर वेतन बैण्ड रु0 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्त्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1 ) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत 354
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति-पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण- पत्र एवं अन्य सेवा शतों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण-पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार, इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा मत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ- साथ शासन द्वारा समय-समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/ कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/2021/1 /4/2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[II] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल -अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[ III ] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
सं० 1514/ सत्ताईस-13-2021-49 /21-लोक सेवा आयोग , उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य/ विशेष चयन ) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता ( सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग , उ ० प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री मोहम्मद अंजर पुत्र श्री मोहम्मद एजाज़ का विवरण निम्नवत् है- 355 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
स्थाई पता
क्र०
जन्म-तिथि अनुक्रमांक
पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति
गृह जनपद
नाम/ पिता का नाम
सर्वश्री-
बरेली
26 मोहम्मद अंजर/ 18-02-1995 44255 मोहम्मद एजाज़
मोहम्मद एजाज़, 119 कांकर टोला, पुराना शहर, बरेली, उ ० प्र०- 243005
मोहम्मद एजाज़, 119 कांकर टोला, पुराना शहर, बरेली, उ०प्र о- 243005
2-शासनादेश संख्या04/ 2021 /1 / 4 / 2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग , उ ०प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत्त उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ ० प्र० में सहायक अभियन्ता (सिविल) के पद पर वेतन बैण्ड रु0 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति-पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण -पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण -पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार , इस आदेश के निर्गत्त होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठत्ता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ- साथ शासन द्वारा समय - समय पर स्वीकृत महंगाई मत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह मली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/ 2021 /1 /4/2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
50 क 356
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण- पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण -पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[ II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल -अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[ III ] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
सं० 1515/ सत्ताईस-13-2021-49/21-लोक सेवा आयोग , उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य / विशेष चयन) परीक्षा , 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता ( सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग , उ ०प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री नमन मिश्रा पुत्र श्री प्रभात नारायण मिश्रा का विवरण निम्नवत् है-
स्थाई पता
जन्म तिथि अनुक्रमांक
पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति नाम/पिता का नाम
गृह जनपद
सर्वश्री-
27 नमन मिश्रा/ 09-09-1995 134175
नमन मिश्रा पुत्र नमन मिश्रा पुत्र श्री प्रभात
कानपुर
नाराण
प्रभातः
नगर श्री प्रभात नारायण नारायण मिश्रा, सी 17, मिश्रा
मिश्रा, सी 17, विश्व विश्व बैंक, बर्रा, कानपुर
बैंक, बर्रा, कानपुर नगर, उ0प्र0-208027
नगर, उ 0प्र0-208027
2-शासनादेश संख्या 04/ 2021 /1 /4/2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित्त व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग, उ० प्र०, प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ ०प्र ० में सहायक अभियन्ता (सिविल ) के पद पर वेतन बैण्ड रु० 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5.400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ ० प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्तिकिये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1 ) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति- पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण-पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
357 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार , इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ- साथ शासन द्वारा समय- समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण- पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/ 2021 / 1 / 4 / 2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित्त व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा- पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण -पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण -पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[1 ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल -अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[III] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[ IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन-पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
सं० 1516/ सत्ताईस-13-2021-49/ 21-लोक सेवा आयोग , उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य / विशेष चयन) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता (सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग , उ०प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री नारेन्द्र सिंह परिहार पुत्र श्री पुष्पेन्द्र सिंह परिहार का विवरण निम्नवत् है-
स्थाई पता
जन्म तिथि अनुक्रमांक
पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति क्र० नाम/ पिता का नाम
गृह जनपद
सर्वश्री-
6656 रींवा (मध्य प्रदेश)
28 नारेन्द्र सिंह 13-08-1996 परिहार/पुष्पेन्द्र सिंह परिहार
पुष्पेन्द्र सिंह परिहार, एफ -02 गोडहर एम० पी० एस ०ई ०बी ० कालोनी रीवा मध्य प्रदेश- 486001
पुष्पेन्द्र सिंह परिहार, एफ-02 गोडहर एम० पी०एस ०ई०बी० कालोनी रीवा मध्य प्रदेश 486001 358
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
2-शासनादेश संख्या04/ 2021 /1/4/ 2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग , उ०प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ० प्र ० में सहायक अभियन्ता ( सिविल) के पद पर वेतन बैण्ड रु० 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1 ) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति-पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण- पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार , इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठत्ता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ-साथ शासन द्वारा समय -समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/ कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या04/2021 /1/4/2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता , सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[ II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल -अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[ III ] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[ IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
359 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
सं० 1517/ सत्ताईस-13-2021-49/21-लोक सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य / विशेष चयन) परीक्षा , 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता (सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग, उ ० प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री अभिषेक सिंह जादौन पुत्र श्री अशोक सिंह जादौन का विवरण निम्नवत् है-
स्थाई पता पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति क्र० नाम/ पिता का जन्म तिथि अनुक्रमांक गृह
नाम
जनपद
सर्वश्री-
29 अभिषेक सिंह 17-01-1996 93066
066
जादौन/अशोक
सिंह जादौन
ग्वालियर अशोक सिंह जादौन , (मध्य कर्नल साहब की प्रदेश) डियोडी, जलाल अशोक सिंह जादौन, कर्नल साहब की डियोडी, जलाल खान की गोठ, खान की गोठ, फालका बाजार, फालका बाजार, ग्वालियर, म०प्र०- ग्वालियर, म०प्र०- 474001
474001
2-शासनादेश संख्या 04/ 2021 /1/4/2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग, उ० प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ० प्र ० में सहायक अभियन्ता (सिविल ) के पद पर वेतन बैण्ड रु० 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शतों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वः सत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति-पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण-पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार, इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा। यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठत्ता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ- साथ शासन द्वारा समय - समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
360
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यथर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुत्ति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/ 2021 /1 / 4/ 2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन- पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8 ) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता , सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण- पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित्त प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल-अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[ III] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
सं० 1518/ सत्ताईस-13-2021-49/21-लोक सेवा आयोग , उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य / विशेष चयन) परीक्षा , 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता (सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग, उ ० प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री शिव गोविन्द पुत्र श्री अनिल कुमार का विवरण निम्नवत् है-
स्थाई पता
जन्म तिथि अनुक्रमांक
पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति क्र० नाम/पिता का नाम
गृह जनपद
सर्वश्री-
फतेहपुर अनिल कुमार, हाउस
अनिल कुमार, हाउस 30 शिव गोविन्द/ 10-08-1993 25442 अनिल कुमार
नं0 173 औरंगाबाद, फतेहपुर, उ०प्र०- 212659
नं० 173 औरंगाबाद, फतेहपुर, उ०प्र०- 212659
2-शासनादेश संख्या04/2021 /1 /4/ 2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग , उ ० प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ०प्र० में सहायक अभियन्ता (सिविल ) के पद पर वेतन बैण्ड रु० 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1 ) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति-पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/ विधिक कार्यवाही भी की जायेगी।
361 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण - पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3 ) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यमार, इस आदेश के निर्गत्त होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठत्ता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ-साथ शासन द्वारा समय- समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/ कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपउपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/2021 /1 /4/ 2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[ II] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल -अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[III ] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
सं० 1519/ सत्ताईस-13-2021-49/21-लोक सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य/ विशेष चयन) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता ( सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग, उ ०प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री प्रशान्त पटेल पुत्र श्री श्रवन कुमार पटेल का विवरण निम्नवत् है-
स्थाई पता पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति क्र०
जन्म तिथि अनुक्रमांक
नाम/पिता का नाम
गृह जनपद
सर्वश्री-
बांदा
31 प्रशान्त पटेल/ 13-11-1996 110597 श्रवन कुमार पटेल
श्रवन कुमार पटेल, साधी बांदा, उ ० प्र० 210121
श्रवन कुमार पटेल, टाइप III 12 कोयल बाग कालोनी, हरदोई, उ०प्र०-241001 362
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
2-शासनादेश संख्या04/ 2021 /1/4/ 2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग , उ०प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ० प्र ० में सहायक अभियन्ता ( सिविल) के पद पर वेतन बैण्ड रु० 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1 ) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति-पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण- पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार , इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठत्ता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ-साथ शासन द्वारा समय -समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/ कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या04/2021 /1/4/2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता , सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण- पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[ II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल -अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[ III ] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[ IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
भाग 1 ]
363
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
सं० 1520/ सत्ताईस-13-2021-49/ 21- लोक सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य/ विशेष चयन) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता (सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग , उ ०प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री रितेश कुमार सिंह पुत्र श्री शिवेन्द्र प्रताप सिंह का विवरण निम्नवत् है-
क्र० नाम/ पिता का जन्म तिथि अनुक्रमांक नाम
सर्वश्री-
32 रितेश कुमार सिंह/
13720
08-01-1996
प्रताप
शिवेन्द्र
सिंह
स्थाई पता
गृह
पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति जनपद
जौनपुर
शिवेन्द्र प्रताप सिंह शिवेन्द्र प्रताप सिंह बानेवरा , जौनपुर, बानेवरा, जौनपुर,
उ०प्र०-222128
उ०प्र०-222128
2-शासनादेश संख्या04/ 2021 /1 / 4/ 2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल , 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग , उ०प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ ० प्र ० में सहायक अभियन्ता (सिविल) के पद पर वेतन बैण्ड रु० 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु 0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति- पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/ विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण-पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार, इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ - साथ शासन द्वारा समय - समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र /कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ
51 क 364
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
शासनादेश संख्या 04/ 2021/ 1 / 4/ 2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल , 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा- पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण- पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण- पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल -अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[ III ] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[ IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
सं० 1521/ सत्ताईस-13-2021-49/ 21- लोक सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य / विशेष चयन) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता (सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग, उ०प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री सुनील कुमार मिश्रा पुत्र श्री राजेन्द्र प्रसाद मिश्रा का विवरण निम्नवत् है-
क०
स्थाई पता
अनुक्रमांक
पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति
गृह जनपद
नाम/पिता जन्म तिथि कानाम
सर्वश्री-
98663
राजेन्द्र प्रसाद मिश्र,
अम्बेडकर
33 सुनील कुमार 12-10-1977
मिश्रा/राजेन्द्र
नगर निकासपुर अम्बेडकर
प्रसाद मिश्रा
नगर, उ0प्र0-224137
सुनील कुमार मिश्रा, टी 6. 603 एल्डिको सौभाग्यम, सेक्टर 9. लखनऊ, उ०प्र०- 226029
2-शासनादेश संख्या04/2021 /1/4/ 2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग, उ०प्र ०, प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ० प्र० में सहायक अभियन्ता (सिविल ) के पद पर वेतन बैण्ड रु0 15,600-39,100 ( ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शतों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1 ) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति-पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण - पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
365 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार , इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति / पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ -साथ शासन द्वारा समय -समय पर स्वीकृत्त महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/ 2021 / 1 /4/ 2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ 1 ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल -अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[III ] राजपत्रित्त अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा- पत्र ।
सं0 1522/ सत्ताईस -13-2021-49/21-लोक सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य/ विशेष चयन ) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता (सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग, उ ० प्र०, प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री गवीश भारद्वाज पुत्र श्री संजीव भारद्वाज का विवरण निम्नवत् है-
क्र०
स्थाई पता
जन्म तिथि अनुक्रमांक
पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति
गृह जनपद
नाम/पिता का नाम
सर्वश्री-
संजय भारद्वाज, 32-
34 गवीश भारद्वाज/ 17-09-1994 60432 संजीव भारद्वाज
हापुड़ (पंचशील 814 देवलोक कालोनी,
नगर) नियर वाटरटेक, हापुड़ (पंचशील नगर), उ०प्र०-245101
संजय भारद्वाज, 32- 814 देवलोक कालोनी, नियर वाटरटेक, हापुड़ (पंचशील नगर), उ0प्र0-245101 366
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
2-शासनादेश संख्या 04/ 2021 /1 / 4/ 2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग , उ०प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ० प्र० में सहायक अभियन्ता (सिविल) के पद पर वेतन बैण्ड रु० 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ० प्र ० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शतों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1 ) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति- पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2 ) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण- पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार, इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेतन के साथ - साथ शासन द्वारा समय-समय पर स्वीकृत महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/ कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें। उक्त के साथ ही औपबंधिक रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/ 2021 / 1 /4/ 2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण- पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण -पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण-पत्र ।
[ II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल-अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[III] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
367 भाग 1 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
सं० 1523/ सत्ताईस-13-2021-49/ 21- लोक सेवा आयोग, उत्तर प्रदेश द्वारा आयोजित सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा (सामान्य/ विशेष चयन) परीक्षा, 2019 के आधार पर सहायक अभियन्ता (सिविल) सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग के सीधी भर्ती के रिक्त पद पर चयनित अभ्यर्थियों के सापेक्ष लोक सेवा आयोग , उ ०प्र० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत किये गये अभ्यर्थी श्री विजय कुमार पुत्र श्री रविन्द्र कुमार का विवरण निम्नवत् है-
स्थाई पता
जन्म तिथि अनुक्रमांक
नाम/पिता
पत्र व्यवहार का पता अभ्युक्ति क्र० गृह जनपद
कानाम
सर्वश्री-
35 विजय कुमार/ 21-09-1992 101144 रविन्द्र कुमार
( बिहार) एस कालोनी,
गया रविन्द्र कुमार, सीबी पितामाहेश्वर रमना रोड गया, बिहार 823001 रविन्द्र कुमार, सीबी एस कालोनी, पिता माहेश्वर रमना रोड गया, बिहार-823001
2-शासनादेश संख्या04/ 2021 /1 / 4/ 2011-का-4-2021, दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुरूप लोक सेवा आयोग , उ ०प्र ० , प्रयागराज द्वारा नियुक्ति हेतु संस्तुत उपर्युक्त अभ्यर्थी को सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ० प्र० में सहायक अभियन्ता (सिविल ) के पद पर वेतन बैण्ड रु0 15,600-39,100 (ग्रेड पे रु0 5,400) में कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उ०प्र० में 02 वर्ष की परिवीक्षा पर औपबंधिक रूप से नियुक्ति किये जाने की श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों के अधीन सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं-
(1) अभ्यर्थी को उक्त औपबंधिक नियुक्ति इस शर्त के साथ प्रदान की जा रही है कि यदि अभ्यर्थी का चरित्र एवं पूर्ववृत्त सत्यापित नहीं होता है या अभ्यर्थी द्वारा अपने स्वःसत्यापन या घोषणा-पत्र में कोई गलत सूचना दी गयी है तो औपबंधिक नियुक्ति- पत्र तत्काल निरस्त कर दिया जायेगा और परिणाम स्वरूप अन्य आपराधिक/विधिक कार्यवाही भी की जायेगी ।
(2) यह नियुक्ति नितान्त औपबंधिक एवं अस्थायी है । यदि बाद में अभ्यर्थियों के सम्बन्ध में दिये गये प्रमाण-पत्र एवं अन्य सेवा शर्तों को असत्य पाया जाता है तो उनकी सेवायें बिना कोई कारण तत्काल समाप्त कर दी जायेगी और असत्य प्रमाण -पत्र दिये जाने के सम्बन्ध में नियमानुसार विभागीय आपराधिक (क्रिमिनल) कार्यवाही की जायेगी ।
(3) उक्त अभ्यर्थी को अपना कार्यभार, इस आदेश के निर्गत होने के एक माह के अन्दर अवश्य ग्रहण कर लेना होगा । यदि अभ्यर्थी इस अवधि में कार्यभार ग्रहण नहीं करता है तो उसका अभ्यर्थन निरस्त कर दिया जायेगा ।
(4) अभ्यर्थी को अपनी नियुक्ति/ पदस्थापना के स्थान पर कार्यभार ग्रहण करने हेतु कोई यात्रा भत्ता इत्यादि देय नहीं होगा ।
(5) उक्त अभ्यर्थी की ज्येष्ठता बाद में नियमानुसार निर्धारित की जायेगी ।
(6) नवचयनित सहायक अभियन्ता को वेत्तन के साथ- साथ शासन द्वारा समय - समय पर स्वीकृत्त महंगाई भत्ता व अन्य देय भत्ते भी नियमानुसार अनुमन्य होंगे ।
(7) अभ्यर्थी के कार्यभार ग्रहण करने से पूर्व कार्यालय प्रमुख अभियन्ता के संबंधित अधिकारी यह भली- भांति सुनिश्चित कर लेंगे कि अभ्यर्थी यदि पूर्व में अन्यत्र कहीं कार्यरत रहा हो तो उनके द्वारा तकनीकी त्याग- पत्र/कार्यमुक्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार किये जायें । उक्त के साथ ही औपबंधिक 368
[भाग 1 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
रूप से चयनित जिन अभ्यर्थियों की आयोग द्वारा सशर्त संस्तुति प्रेषित की गयी है उनके द्वारा अनापत्ति प्रमाण-पत्र (N.O.C. ) उपलब्ध कराये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये । इसी के साथ शासनादेश संख्या 04/2021 /1 / 4/2011-का-4-2021 , दिनांक 29 अप्रैल, 2021 में उल्लिखित व्यवस्था के अनुसार अभ्यर्थियों से निर्धारित प्रपत्रों में सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र प्राप्त किये जाने के उपरान्त ही योगदान आख्या स्वीकार की जाये ।
(8) कार्यालय प्रमुख अभियन्ता, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग , उत्तर प्रदेश के अधिकारी अभ्यर्थी को कार्यभार ग्रहण कराने से पूर्व उनके मूल प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की आवश्यक जांच स्वयं कराना सुनिश्चित करेंगे तथा प्रत्येक प्रमाण-पत्र एवं डिग्रियों की अभिप्रमाणित प्रतिलिपियां निम्नलिखित प्रमाण-पत्रों के साथ शासन को कार्यभार प्रमाणक सहित तुरन्त प्रेषित करेंगे-
[ I ] केवल एक जीवित पत्नी होने का प्रमाण- पत्र ।
[II ] अभ्यर्थी द्वारा स्वयं के हस्ताक्षर से अपनी चल-अचल सम्पत्ति का विवरण ।
[III ] राजपत्रित अधिकारी द्वारा प्रमाणित अभ्यर्थी के पासपोर्ट साइज की 02 फोटो ।
[ IV] अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध कराया गया सत्यापन पत्र एवं स्वःघोषणा-पत्र ।
आज्ञा से, फूल चन्द्र, संयुक्त सचिव ।
पी०एस ०यू० पी०-52 हिन्दी गजट- भाग 1-2022 ई ०।
मुद्रक एवं प्रकाशक-निदेशक, मुद्रण एवं लेखन- सामग्री, उत्तर प्रदेश, प्रयागराज ।
रजिस्टर्ड नं ० ए ०डी०-4
लाइसेन्स सं ० - डब्ल्यू०पी०-41 (लाइसेन्स टू पोस्ट बिदाउट प्रीपेमेन्ट)
सरकारी गज़ट , उत्तर प्रदेश
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा प्रकाशित
प्रयागराज , शनिवार , 26 मार्च , 2022 ई० (चैत्र 5 , 1944 शक संवत्)
भाग 1 -क
नियम, कार्य विधियां, आज्ञायें , विज्ञप्तियां इत्यादि, जिनको उत्तर प्रदेश के राज्यपाल महोदय, विभिन्न विभागों के अध्यक्ष तथा राजस्व परिषद् ने जारी किया ।
जनता के प्रयोजनार्थ भूमि नियोजन की विज्ञप्तियां
07 दिसम्बर, 2021 ई०
भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनवर्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 की धारा 11 की अधिसूचना
सं० 1343/(भू०अ०)/ न० म ० पा० -प्रथम/ लखनऊ-"भूमि अर्जन, पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम , 2013 की धारा 11 की उपधारा (1 ) के अधीन कलेक्टर लखनऊ की राय है, कि उ०प्र ० एक्सप्रेस-वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण, यूपीडा, लखनऊ के माध्यम से सार्वजनिक प्रयोजन के लिये पूर्वाचल एक्सप्रेस- वे हेतु जनपद लखनऊ, तहसील मोहनलालगंज, जिला लखनऊ में ग्राम रसूलपुर आशिकअली की 0.1508 हे०, हसनापुर की 0.2354 हे०, आदमपुर नौबस्ता की 0.1563 है०, महुराकला की 0.0580 है० च पहासा की 0. 044 हे० व कुल 6445 हे० अतिरिक्त भूमि की आवश्यकता है ।
2- परियोजना हेतु प्रस्तावित भूमि अर्जन से पूर्व राज्य सामाजिक समाघात निर्धारण एजेन्सी द्वारा सामाजिक समाघात निर्धारण अध्ययन किया गया है, तथा समुचित सरकार को अपनी अनुशंसा प्रस्तुत की गयी है जिसे समुचित सरकार द्वारा दिनांक 14 मई, 2019 को अनुमोदित किया गया था ।
3-सामाजिक समाधात निर्धारण का सारांश इस प्रकार था-
समिति यह अनुभव करती है कि पूर्वाचल एक्सप्रेस - वे प्रोजेक्ट लोक उद्देश्यों की सेवा करेगा तथा इसका निर्माण न केवल क्षेत्रीय एकीकरण का कार्य करेगा बल्कि सामाजिक एवं आर्थिक समृद्धि के लिये सहायक होगा ।
भूमि प्रदान करने वाले काश्तकारों से हुये विचार- विमर्श से यह प्रतीत होता है कि वे अपनी भूमि परियोजना को देने के लिये सहमत है, यदि भूमि का उचित मुआवजा उन्हें प्रदान किया जाये । ग्रामीण इस बात से भी सहमत है कि पूर्वांचल एक्सप्रेस -वे उनके सामाजिक एवं आर्थिक विकास में लाभदायी होगा ।
28 ख 188
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च , 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
[भाग 1-क
ज्यादातर मामलों में यह देखा गया है कि सर्किल रेट के आधार पर प्रस्तावित मुआवजे बाजार दर से काफी कम है । इस लिये समिति दृढ़ता से अपने निष्कर्ष के आधार पर सिफारिश करती है कि मुआवजे की दर को विशेष रूप से इस तथ्य के प्रकाश में बढ़ाया जाना चाहिये कि प्रमावित क्षेत्र के सर्किल रेट दिसम्बर, 2015 से बढ़ाये नहीं गये हैं और प्रस्तावित भूमि का अधिग्रहण वर्ष 2018 में किया जा रहा है ।
समिति द्वारा यह भी अनुभव किया गया है कि ग्रामीणों पर प्रतिकूल मनोवैज्ञानिक प्रभाव से बचने के लिये मुआवजे की दर एक ही क्षेत्र में समान होनी चाहिये और यह भूमि अर्जन अधिनियम, 2013 की धारा 26 (बी) में वर्णित भूमि के मूल्य के निर्धारण या अवधारण करने के मापदण्ड के अनुरूप भी होगा ।
4-समिति की उक्त संस्तुति के सम्बन्ध में यूपीडा के पत्र संख्या 2907/ यूपीडा18/ 548-(01 )-11 (मू-अर्जन), दिनांक 14 सितम्बर, 2018 में यह उल्लेख किया गया है कि पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे परियोजना के उपरोक्तानुसार प्रभावित क्षेत्रों के सर्किल रेट पुनरीक्षित किये जाने के सम्बन्ध में अग्रिम कार्यवाही कर एवं निबंधन विभाग/जिलाधिकारी, लखनऊ द्वारा नियत प्रक्रिया के अनुसार करने पर विचार किया जायेगा ।
भूमि अर्जन अधिनियम, 2013 की धारा 26 में कलेक्टर द्वारा भूमि के बाजार मूल्य का अवधारण उल्लिखित किया गया है, जिसके बिन्दु 'ख' में उल्लेख है कि निकटवर्ती ग्राम या निकटवर्ती पड़ोसी क्षेत्र में स्थित उसी प्रकार की भूमि के लिये औसत विक्रय कीमत कलेक्टर द्वारा प्रतिकर का निर्धारण किया जायेगा ।
उक्त के क्रम में पूर्वांचल एक्सप्रेस- वे हेतु प्रस्तावित भूमि अर्जन की कार्यवाही के उपरान्त वर्तमान में इसी परियोजना हेतु अनुसूची में वर्णित निम्नवत् अतिरिक्त भूमि की आवश्यकता है ।
5-भूमि अर्जन के कारण कोई परिवार विस्थापित नहीं हो रहा है।
6-अतः राज्यपाल सार्वजनिक प्रयोजन हेतु निम्नलिखित अनुसूची में उल्लिखित भूमि को सामान्य सूचना हेतु अधिसूचित करने के लिये सहर्ष सहमति देते हैं-
अनुसूची
परगना
जनपद
तहसील
गाटा सं० अर्जित किये जाने वाला क्षेत्रफल
3
4
5
6 2
1
हेक्टेयर
460
0.0572 लखनऊ मोहनलालगंज गोसाईगंज
रसूलपुर आशिकअली
461
0.0562
467
0.0264
788
0.0110
0.1508
योग..
65
0.2354
हसनापुर
0.2354
योग..
189 भाग 1 -क
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
3
5
6 2
हेक्टेयर
लखनऊ मोहनलालगंज गोसाईगंज
517
0.0550
आदमपुर नौबस्ता
0.0299
518
523
0.0714
0.1563
योग..
1764
0.0580
महुराकलां
0.0580
योग..
215
0.0440
पहासा
0.0440
योग..
0.6445
कुल योग.
7-अधिनियम की धारा 12 के अन्तर्गत निर्दिष्ट एवं प्राविधानित भूमि अधिग्रहण के प्रयोजन हेतु आवश्यक कदम उठाये जाने के लिये तथा भूमि का सर्वेक्षण, किसी भूमि के लिये समतलीकरण , खुदाई करने तथा कार्य के समुचित क्रियान्वयन हेतु सभी आवश्यक क्रियायें करने के लिये राज्यपाल कलेक्टर को प्राधिकृत करने हेतु निर्देश देते हैं ।
8-अधिनियम की धारा 15 के अन्तर्गत कोई भी व्यक्ति , जिसका हित भूमि में निहित हो, अधिसूचना के प्रकाशन के 60 दिन के अन्दर अपने क्षेत्र में भूमि अधिग्रहण के विरुद्ध लिखित रूप से कलेक्टर को आपत्ति प्रस्तुत कर सकता है ।
9-अधिनियम की धारा 11 ( 4) के अन्तर्गत कोई व्यक्ति अधिसूचना के प्रकाशन की तिथि से भूमि अधिग्रहण की कार्यवाही पूर्ण होने तक कलेक्टर के पूर्व अनुमोदन के बिना प्रारम्भिक अधिसूचना में निर्दिष्ट भूमि का संव्यवहार यथा विक्रय/ क्रय या उस भूमि में कोई भार उत्पन्न नहीं कर सकता है ।
टिप्पणी उक्त भूमि का स्थलीय नक्शा कलेक्टर, लखनऊ 6, जगदीश चन्द्र बोस मार्ग , लालबाग, लखनऊ स्थित कार्यालय में देखा जा सकता है ।
धमेन्द्रसिंह,
कलेक्टर,
भूमि अध्याप्ति प्रयोजनार्थ ।
16मार्च, 2022 ई०
सं० 1771/आठ-वि ०भू०अ० अ०/अमरोहा उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग द्वारा अधि०अभि० मध्य गंगा निर्माण खण्ड-15, मुरादाबाद के द्वारा अपेक्षित सार्वजनिक प्रयोजन यथा मध्य गंगा नहर परियोजना (द्वितीय चरण) मुख्य नहर उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
[भाग 1-क 190 के निर्माण हेतु जनपद अमरोहा, तहसील धनौरा, परगना धनौरा, ग्राम फुन्देड़ी में कुल रकबा 3.0420 हे0 में भूमि के सम्बन्ध में भू-अर्जन पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा (1 ) के अन्तर्गत जो प्रारम्भिक अधिसूचना संख्या 1193, दिनांक 18 सितम्बर, 2021 को निर्गत की गयी थी तथा अन्तिम रूप से प्रकाशित दिनांक 04 दिसम्बर, 2021 को प्रकाशित की गयी थी । डिप्टी कलेक्टर/ असिस्टेंट कलेक्टर धनौरा को परियोजना प्रभावित परिवारों के पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन के उद्देश्य से प्रशासक नियुक्त किया गया था ।
अधिनियम की धारा 15 की उपधारा (2) के प्राविधानों के अनुपालन में कलेक्टर द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट के विचारोपरान्त धारा 19 की उपधारा (1 ) के अन्तर्गत राज्यपाल घोषणा करने का निदेश देते हैं कि उन्हें यह समाधान हो गया है कि अनुसूची 'क' में वर्णित भूमि का क्षेत्रफल सार्वजनिक प्रयोजन हेतु आवश्यक है तथा अनुसूची 'ख' में उल्लिखित जनपद अमरोहा, तहसील धनौरा, परगना धनौरा , ग्राम फुन्देड़ी की शून्य हेक्टेयर भूमि को विस्थापित परिवारों के पुनर्वासन एवं पुनर्व्यव्यस्थापन हेतु पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन क्षेत्र के रूप में चिन्हित किया गया है ।
राज्यपाल अग्रेतर निदेश देते हैं कि अधिनियम की धारा 19 की उपधारा (2) के अधीन इस प्रभाव का घोषणा के प्रकाशन के साथ पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन योजना के सारांश के प्रकाशन हेतु अमरोहा कलेक्टर को निर्देशित करते हैं । पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन योजना का सारांश इसके साथा संलगन है ।
अनुसूची "क"
(प्रस्तावित अर्जन के अन्तर्गत भूमि)
परगना
जनपद तहसील
ग्राम 2
4
3
1
अमरोहा
धनीरा
धनौरा
फुन्देड़ी
क्षेत्रफल
भूखण्ड सं०
5
6
हेक्टेयर
0.2155
2-मि०
3
0.7817
1.0000
44
45
0.3360
106
0.7088
3.0420
योग..
अनुसूची "ख"
(विस्थापित परिवारों के लिये व्यवस्थापन क्षेत्र के रूप में चिन्हित भूमि)
ग्राम जनपद
परगना
तहसील
4
3
1
2
भूखण्ड सं० पुनर्वासन हेतु चिन्हित क्षेत्रफल 5
6
हेक्टेयर
विस्थापित परिवारों की संख्या " शून्य"
टिप्पणी-उक्त भूमि का स्थलीय नक्शा अमरोहा के कलेक्टर के कार्यालय में देखा जा सकता है ।
(ह० अस्पष्ट),
जिलाधिकारी, अमरोहा ।
NOTIFICATION
March 16, 2022
No. 1771 /VIII - S.L.A.O. /Amroha/2022-Whereas Preliminary Notification No. 1193 , Dated 18-09- 2021 was issued under Sub -section ( 1 ) of Section 11 of the rule Right to Fair Compensation and 191 भाग 1 -क
उत्तर प्रदेश गजट , 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
Transparency in Rehabilitation and Resettlement Act , 2013 in respect of 3.0420 hectares of land in Village- Funderi, Pargana- Dhanaura, Tehsil- Dhanaur, District -Amroha is required for public purpose , namely, Project MGC Stage- II through Madhya Ganga Canal Construction Division- 15. Moradabad (Name of requiring body) published on dated December 04, 2021. The Deputy Collector/Assistant Collector Dhanaura was appointed as Administrator for the purpose of Rehabilitation and Resettlement of the project affected families .
After considering the report of the Collector submitted in pursuance to provision under Sub- section (2) of the Section 15 of the Act, the Governor is pleased to declare under Section 19 ( 1 ) of the Act that he is satisfied that the area of the land mentioned in the given Schedule " A " is needed for public purpose and the land to the extent of 0.00 Hectares in Village - Funderi , Pargana- Dhanaura , District - Amroha, as given in Schedule "B" has been identified as the Rehabilitation and Resettlement Area for the purpose of Rehabilitation and Resettlement of the displaced families .
The Governor is further pleased under Sub -section (2 ) of Section 19 of the Act,to direct the Collector ofAmroha to publish a summary of the Rehabilition and Resettlement Scheme with publication of the declaration to this effect. The summary of the Rehabilitation and Resettlement Scheme is attached herewith.
SCHEDULE "A"
(Land under proposed acquisition)
Area Tehsil
District
PlotNo.
Village
Pargana
2
5
1
3
4
6
Hectare
2Mi
Amroha Dhanaura Dhanaura
Funderi
0.2155
3
0.7817
44
1.0000
45
0.3360
106
0,7088
Total..
3,0420
SCHEDULE "B"
(Land identified as settlement area for displaced families)
District
Tehsil
PlotNo.
Pargana
Village
Area earmarked for rehabilitation
6 2
3
5
1
Hectare
..Nil .
NOTE-A plan of land may be inspected in the Office of the Collector for the purpose of acquisition.
(Sd.) ILLEGIBLE, Collector, Amroha
16मार्च, 2022 ई0०
सं० 1773/आठ-वि० मू०अ०अ ०/ अमरोहा उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग द्वारा अधि ० अभि० मध्य गंगा निर्माण खण्ड-15. मुरादाबाद के द्वारा अपेक्षित सार्वजनिक प्रयोजन यथा मध्य गंगा नहर परियोजना (द्वितीय चरण) मुख्य नहर 192
[भाग 1-क उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई ० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
के निर्माण हेतु जनपद अमरोहा, तहसील धनौरा, परगना धनौरा , ग्राम देहराचक में कुल रकबा 1.2646 हे0 में भूमि के सम्बन्ध में भू-अर्जन पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन में उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम, 2013 की धारा 11 की उपधारा (1 ) के अन्तर्गत जो प्रारम्भिक अधिसूचना संख्या 1194, दिनांक 18 सितम्बर, 2021 को निर्गत की गयी थी तथा अन्तिम रूप से प्रकाशित दिनांक 04 दिसम्बर , 2021 को प्रकाशित की गयी थी। डिप्टी कलेक्टर/ असिस्टेंट कलेक्टर धनौरा को परियोजना प्रभावित परिवारों के पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन के उद्देश्य से प्रशासक नियुक्त किया गया था ।
अधिनियम की धारा 15 की उपधारा ( 2) के प्राविधानों के अनुपालन में कलेक्टर द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट के विचारोपरान्त धारा 19 की उपधारा ( 1 ) के अन्तर्गत राज्यपाल घोषणा करने का निदेश देते हैं कि उन्हें यह समाधान हो गया है कि अनुसूची 'क' में वर्णित भूमि का क्षेत्रफल सार्वजनिक प्रयोजन हेतु आवश्यक है तथा अनुसूची 'ख' में उल्लिखित जनपद अमरोहा, तहसील धनौरा, परगना धनौरा, ग्राम देहराचक की शून्य हेक्टेयर भूमि को विस्थापित परिवारों के पुनर्वासन एवं पुनर्व्यव्यस्थापन हेतु पुनर्वासन एवं पुनव्यवस्थापन क्षेत्र के रूप में चिन्हित किया गया है ।
राज्यपाल अग्रेतर निदेश देते हैं कि अधिनियम की धारा 19 की उपधारा (2) के अधीन इस प्रभाव का घोषणा के प्रकाशन के साथ पुनर्वासन एवं पुनर्व्यवस्थापन योजना के सारांश के प्रकाशन हेतु अमरोहा कलेक्टर को निर्देशित करते हैं । पुनर्वासन और पुनर्व्यवस्थापन योजना का सारांश इसके साथा संलग्न है ।
अनुसूची "क"
(प्रस्तावित अर्जन के अन्तर्गत भूमि)
जनपद
परगना
तहसील
क्षेत्रफल
ग्राम
भूखण्ड सं०
6
2
4
3
5
1
हेक्टेयर
धनौरा
धनौरा
अमरोहा
0.5831
373
देहराचक
374-
0.2944
385
0.3871
1.2646
योग..
अनुसूची 'ख'
(विस्थापित परिवारों के लिये व्यवस्थापन क्षेत्र के रूप में चिन्हित भूमि)
जनपद
परगना
तहसील
ग्राम
भूखण्ड सं० पुनर्वासन हेतु चिन्हित क्षेत्रफल
6
2
3
1
4
5
हेक्टेयर
विस्थापित परिवारों की संख्या "शून्य"
टिप्पणी-उक्त भूमि का स्थलीय नक्शा अमरोहा के कलेक्टर के कार्यालय में देखा जा सकता है ।
(ह० अस्पष्ट),
जिलाधिकारी, अमरोहा
NOTIFICATION
March 16, 2022
No. 1773 /VIII - S.L.A.O. / Amroha/ 2022-Whereas Preliminary Notification No. 1194. Dated 18-09- 2021 was issued under Sub -section ( 1 ) of Section 11 of the rule Right to Fair Compensation and Transparency in Rehabilitation and Resettlement Act , 2013 in respect of 1.2646 hectares of land in Village- 193 भाग 1 -क
उत्तर प्रदेश गजट , 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
Dehrachak, Pargana- Dhanaura, Tehsil- Dhanaura, District-Amroha is required for public purpose , namely. Project MGC Stage II through Madhya Ganga Canal Construction Division- 15, Moradabad (Name of requiring body) published on dated December 04 , 2021. The Deputy Collector /Assistant Collector Dhanaura was appointed as Administrator for the purpose of Rehabilitation and Resettlement of the porject affected families.
After considering the report of the Collector submitted in pursuance to provision under Sub- section (2) of the Section 15 of the Act, the Governor is pleased to declare under Section 19 ( 1 ) of the Act that he is satisfied that the area of the land mentioned in the given Schedule " A" is needed for public purpose and the land to the extent of 0.00 Hectares in Village-Dehrachak, Pargana- Dhanaura , District-Amroha, as given in Schedule "B " has been identified as the Rehabilitation and Resettlement Area for the purpose of Rehabilitation and Resettlement of the displaced families.
The Governor is further pleased under Sub - section (2 ) of Section 19 of the Act, to direct the Collector of Amroha to publish a summary of the Rehabilition and Resettlement Scheme with publication of the declaration to this effect. The summary of the Rehabilitation and Resettlement Scheme is attached herewith.
SCHEDULE "A"
(Land under proposed acquisition)
Tehsil
Area District
PlotNo.
Pargana
Village
2
6 1
3
4
5
Hectare Dhanaura
Dhanaura
0.5831 Amroha
Dehrachak
373
0.2944
374
385
0.3871
Total.. 1.2646
SCHEDULE "B "
(Land identified as settlement area for displaced families )
District
Tehsil
PlotNo.
Village
Pargana
Area earmarked for rehabilitation 1
2
4
5
6
3
Hectare
Nil .
NOTE-A plan of land may be inspected in the Office of the Collector for the purpose of acquisition.
(Sd.) ILLEGIBLE. Collector,Amroha.
पी०एस ० यू० पी०-52 हिन्दी गजट-भाग 1-क-2022 ई० ।
मुद्रक एवं प्रकाशक-निदेशक, मुद्रण एवं लेखन सामग्री , उत्तर प्रदेश, प्रयागराज ।
रजिस्टर्ड नं० - ए०डी०-4
लाइसेन्स सं ०- उब्ल्यू०पी०-41 (लाइसेन्स टू. पोस्ट बिदाउट प्रीपेमेन्ट)
सरकारी गज़ट , उत्तर प्रदेश
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा प्रकाशित
प्रयागराज , शनिवार , 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5 , 1944 शक संवत्)
भाग 8
सरकारी कागज-पत्र , दबाई हुई रूई की गांठों का विवरण- पत्र, जन्म- मरण के आंकड़े, रोगग्रस्त होने वालों और मरने वालों के आंकड़े, फसल और ऋतु सम्बन्धी रिपोर्ट, बाजार- भाव, सूचना, विज्ञापन इत्यादि ।
कार्यालय, नगर पंचायत, कुलपहाड, जनपद महोबा
22मार्च, 2022 ई०
सं० 311/ एन०पी० के ० / गजट /2021-22-शासनादेश संख्या 406/ नौ-9/1997-95/ जनरल / 96, दिनांक 10 फरवरी, 1997 के प्रस्तर-6 में पारित आदेश के अनुपालन में उत्तर प्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1916 (2) संशोधन 1994 की धारा 298 सूची-1 खण्ड ( ख) (झ) के अन्तर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुये नगर पंचायत, कुलपहाड़ द्वारा अपनी सीमा के अन्तर्गत अधिनियम की धारा 255 , 269, 270, 271 , 273 , 274, 276, 277 के प्राविधानों के अन्तर्गत खुले में शौच से मुक्ति एवं ठोस अपशिष्ट निपटान नियंत्रण एवं विनियम नियमावली, 2019 की उपविधि बनायी गयी है । जिसे दैनिक 'आज' समाचार पत्र के दिनांक 29 नवम्बर, 2019 के अंक में प्रकाशित कराया जा चुका है । निर्धारित अवधि में कोई आपत्ति प्राप्त न होने के कारण उक्त उपविधि को राजकीय गजट में प्रकाशित कराया जा रहा है । यह उपविधि गजट में प्रकाशन की तिथि से प्रभावी होगी ।
स्वच्छ भारत मिशन विनियमन तथा नियन्त्रण नियमावली , 2019
उपविधि
1- संक्षिप्त नाम, प्रसार एवं प्रारम्भ (क) यह उपविधि नगर पंचायत, कुलपहाड़ के सीमान्तर्गत्त खुले में शौच से मुक्त एवं ठोस अपशिष्ट निपटान नियन्त्रण एवं विनियमन नियमावली, 2019 कहलायेगी ।
(ख) यह उपविधि नगर पंचायत, कुलपहाड़ द्वारा सरकारी गजट में प्रकाशित किये जाने के तिथि से लागू होगी।
2-परिभाषायें जब तक कोई प्रसंग प्रतिकूल न हो, इस उपविधि में-
(क) "अधिनियम" का तात्पर्य उत्तर प्रदेश नगरपालिका अधिनियम 1916 संख्या 2 से है ।
(ख) 'नगरपालिका का तात्पर्य नगरपंचायत, कुलपहाड़ से है।
(ग) "अध्यक्ष/ प्रशासक का तात्पर्य नगर पंचायत, कुलपहाड़ के अध्यक्ष/ प्रशासक से है ।
(घ) 'बोर्ड" का तात्पर्य नगर पंचायत , कुलपहाड़ के निर्वाचित बोर्ड अथवा शासन द्वारा स्थापित की गयी व्यवस्था से है ।
21 ट 116
[भाग 8 उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
(ण) 'अधिशासी अधिकारी का तात्पर्य नगर पंचायत, कुलपहाड़ के अधिशासी अधिकारी से है ।
(च) "अर्थदण्ड/जुर्माना का तात्पर्य इस उपविधि के अन्तर्गत आरोपित अर्थदण्ड/ जुर्माना से है ।
(छ) शहर को खुले में शौच से मुक्त बनाये रखने , नगर के नाली-नाला, तालाब, कुएं एवं अन्य जलस्रोतों, सड़क व सड़क पटरी या सार्वजनिक भूमि पर किसी भी प्रकार का ठोस अपशिष्ट डालने एवं मच्छर जनित परिस्थितियां उत्पन्न करने पर प्रतिबन्ध का तात्पर्य नगर पंचायत, कुलपहाड़ की सीमा के अन्दर निवासरत समस्त नागरिकों के प्रतिदिन के क्रियाकलापों के परिणामस्वरूप उत्पन्न होने वाले अपशिष्टों के अनुचित निस्तारण से उत्पन्न होने वाले प्रदूषण एवं मच्छर जनित परिस्थितियों के उपरान्त की जाने वाली दण्डात्मक कार्यवाही से है ।
नगर पंचायत, कुलपहाड़ द्वारा खुले में शौच करने व सार्वजनिक सड़क, नाला-नाली, तालाब, कुएं एवं अन्य जलस्रोों व सड़क एवं पटरी, सार्वजनिक भूमि पर कूड़ा डालने एवं मच्छर जनित परिस्थितियां उत्पन्न करने के विरुद्ध अर्थदण्ड/ जुर्माना वसूल करेगी ।
3- उपरोक्त जुर्माना/अर्थदण्ड की वसूली अधिशासी अधिकारी अथवा उनके द्वारा नियुक्त कर्मचारी करेंगे । दरें निम्नवत् होंगी-
क्र० सं०
जुर्माना/अर्थदण्ड
जुर्माने की दर प्रतिदिन (रुपये में) 1
2
3
1
रु0 20.00 से रु0 1,000.00 तक
खुले में शौच करने पाये जाने पर
2
रु0 250.00 एवं अधिकतम रु 0 5,000.00 तक सड़क, नाला , नाली एवं सार्वजनिक स्थल पर कूड़ा डालते पाये जाने पर
3
रु0 500.00 एवं अधिकतम रु0 20,000.00 तक तालाब, कुएं एवं अन्य जलस्रोतों में कूड़ा, अपशिष्ट डालते पाये जाने पर
4 मच्छर जनित परिस्थित्तियां उत्पन्न करने पर
रु0 250.00 से मु० 5,000.00 तक
5
रु0 250.00 से अधिकतम रु0 5,000.00 तक
जुर्माना एवं खुराकी अतिरिक्त
नगर पंचायत/सार्वजनिक मागों, पटरियों / सार्वजनिक भूमि पर मवेशी बांधने अथवा आवारा विचरण हेतु छोड़ने पर
6 निर्माण एवं विध्वंश अपशिष्ट सामग्री सड़क एवं सार्वजनिक स्थान पर डालने पर ।
जुर्माना रु 0 250.00 से रु0 5,000.00 तक एवं हटाने का व्यय अलग
7
रु0 500.00 से रु0 10,000.00 तक
मल की निकासी सेप्टिक टैंक या सीवर लाइन में न करके सीधे नाले में गिराने पर
उपरोक्त अर्थदण्ड/ जुर्माने का अधिकार अधिशासी अधिकारी अथवा उनके द्वारा अधिकृत नगर पंचायत के अन्य अधिकारी/ कर्मचारी को होगा ।
दण्ड
उत्तर प्रदेश नगरपालिका अधिनियम, 1916 की धारा 299 की उपधारा ( 10 ) के अन्तर्गत शक्तियों का प्रयोग करके नगर पंचायत, कुलपहाड़, निर्देश देती है कि इस उपविधि का उल्लंघन करने वाला व्यक्ति दण्ड का भागी उपरोक्तानुसार होगा उल्लंघन जारी रहने की दशा में प्रत्येक दिन के लिये जिसके बारे में यह सिद्ध हो जाये कि दोषी, उपविधि का उल्लंघन करता रहता है तो उक्त निर्धारित न्यूनतम एवं अधिकतम के मध्य की कोई भी धनराशि प्रतिदिन अर्थदण्ड करने का अधिकार अधिशासी अधिकारी, नगरपंचायत, कुलपहाड़ को होगा ।
बन्दना सिंह ,
अध्यक्ष, नगर पंचायत, कुलपहाड़ जनपद महोबा ।
117 भाग 8 ]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
कार्यालय, उ०प्र० शिया सेण्ट्रल वक्फ बोर्ड, लखनऊ
अधिसूचना
उ०प्र ० शिया सेण्ट्रल वक्फ बोर्ड, लखनऊ में सेण्ट्रल वक्फ अधिनियम, 1995 की धारा 65 (5 ) , के अन्तर्गत बोर्ड की बैठक दिनांक 18 फरवरी, 2022 के अन्तर्गत निम्नलिखित अवकाफ को सीधे नियन्त्रण में लेते हुये एक वर्ष की अवधि के लिये प्रशासक पद पर इस शर्त के साथ नियुक्त किया गया है कि प्रशासक वक्फ अधिनियम, 1995 में दिये गये प्राविधानों के अन्तर्गत कार्य करेंगे-
वक्फका नाम
प्रशासक का नाम और पता
स्थित / जनपद
क्र० सं०
पंजीयन संख्या
1
2
3
4
5
1
T-2596
वक्फ कर्बला अब्बास बाग
हरदोई रोड, लखनऊ
मौलाना सै० कल्बे जवाद नकवी पुत्र स्व० मौलाना सै० कल्ये आबिद नकवी, निवासी-37, जौहरी मोहल्ला, चौक, लखनऊ
T-2063
2 वक्फ दरगाह हजरत अब्बास ( अ०स०)
रूस्तम नगर,
लखनऊ
श्री मीसम रिजवी पुत्र श्री इब्ने हसन रिजवी, निवासी 390/135 रूस्तम नगर, लखनऊ
3 वक्फअच्छे मिर्जा
T-987
औरंगाबाद
जागीर,
लखनऊ
1-श्री हाशिम अब्बास पुत्र स्व० जफर अब्बास, निवासी-बड़ा इमामबाड़ा, हाता हुसैनाबाद, लखनऊ
2-श्री से० मेहर मेंहदी रिजवी पुत्र श्री सै ० अफजल मेंहदी रिजवी, निवासी ए०डी० एस ०सी० 29, हाता मिर्जा अली खाँ, हुसैनाबाद, लखनऊ ।
उ०प्र० शिया सेण्ट्रल वक्फ बोर्ड, लखनऊ में सेण्ट्रल वक्फ अधिनियम, 1995 की धारा 65 (5 ) , के अन्तर्गत बोर्ड की बैठक दिनांक 14 दिसम्बर, 2021 के अन्तर्गत वक्फ दरगाहे आलिया नजफ- ए- हिन्द, जोगीपुरा , पंजीयन संख्या T- 1158, 1187, जनपद बिजनौर को सीधे नियन्त्रण में लेते हुये 06 माह की अवधि के लिये प्रशासक पद पर इस शर्त के साथ नियुक्त किया गया है कि प्रशासक वक्फ अधिनियम, 1995 में दिये गये प्राविधानों के अन्तर्गत कार्य करेंगे ।
वक्फका नाम
प्रशासक का नाम और पता
स्थित/ जनपद
पंजीयन संख्या
क्र० सं०
1
2
3
4
5
1
T-1158
बिजनौर
वक्फ दरगाहे आलिया नजफ- ए-हिन्द, जोगीपुरा
T-1187
श्री सै० हबीब हैदर पुत्र स्व ० सं० फिरोज हैदर, निवासी-102, शालीमार ऐमिरेन्ड, जॉपलिंग रोड, लखनऊ
अली जैदी, अध्यक्ष उ०प्र ० शिया सेण्ट्रल वक्फ बोर्ड, लखनऊ ।
118
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
[भाग 8
NOTICE
सूचना
सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि मेसर्स लोटस कंस्ट्रक्शन 122/2 सिविल लाइन, झांसी, जिला झांसी-284001 , उ०प्र ० वर्तमान में पंजीकृत फर्म जिसके साझेदारों का विवरण निम्न प्रकार है-
1 -अजय पुरवार , 2 - मोहम्मद वसीक, 3 - मोहम्मद फारूक, जिसमें दिनांक 01 फरवरी , 2020 को मोहम्मद वसीक एवं मोहम्मद फारूक अपनी स्वेच्छा से पृथक हो गये हैं उनके स्थान पर पुरुषोत्तम पुरवार शामिल हो रहे हैं ।
Be it known to all that in may High School and Intermediate marksheet and certificate my name is mentioned as Soumya Misra daughter of Manoj Kumar Misra, which is incorrect. In my graduation Mark Sheet and Degree my name is mentioned as Soumya Mishra daughter of Manoj Kumar Mishra. which is correct . In my Pan Card, Adhar Card and other documents my name is mentioned as Soumya Mishra daughter of Manoj Kumar Mishra, which is correct . In future I should be known as Soumya Mishradaughter ofManoj Kumar Mishra .
SoumyaMishra, 18/1 Baba Ji Ka Bagh , Colonelganj ,Prayagraj .
एतद्वारा यह भी प्रमाणित किया जाता है कि उक्त के सम्बन्ध में समस्त विधिक रूप से औपचारिकताओं का पालन स्वयं मेरे द्वारा किया गया है ।
सूचना
अजय पुरवार,
साझेदार, मेसर्स लोटस कंस्ट्रक्शन, 122/2. सिविल लाइन, झांसी-284001 , उ०प्र० ।
मैंने अपना नाम अनुज शुक्ला से बदलकर अभिनव शुक्ला कर लिया है अब मुझे भविष्य में अभिनव शुक्ला पुत्र अनूप शुक्ला, निवासी 272 ए नौबस्ता, कानपुर नगर के नाम से जाना पहचाना एवं पुकारा जाये ।
सूचना
अभिनव शुक्ला,
निवासी-272ए नौबस्ता, कानपुर।
सूचना
सर्वसाधारण को सूचित किया जाता है कि मेसर्स श्री सिद्ध बाबा ग्रेनाइट, मोचीपुरा , कबरई , जिला महोबा (उ०प्र०) वर्तमान में पंजीकृत फर्म जिसके साझेदारों का विवरण निम्न प्रकार है-
1 -महेश तिवारी, 2- बलवीर यादव, 3 -अभय प्रताप । जिसमें दिनांक 09 दिसम्बर, 2021 को महेश तिवारी एवं अभय प्रताप अपनी स्वेच्छा से पृथक् हो गये हैं । उनके स्थान पर कंधी लाल यादव, पियूष कुमार गुप्ता, मयंक गुप्ता, संजय सिंह तोमर शामिल हो रहे हैं ।
सूचित किया जाता है कि भागीदारी फर्म मे० श्री नाथ जी किसान सेवा केन्द्र गंगीरी रोड, पिलखाना चौराहा, जिला अलीगढ़, जो पूर्व में दिनांक 17 मार्च, 2017 से हम तरुण कुमार माहेश्वरी तथा श्री नितिन माहेश्वरी के द्वारा भागीदारी के अन्तर्गत संचालित थी, किन्तु हम भागीदारों द्वारा उक्त फर्म को दिनांक 22 फरवरी, 2022 से स्वेच्छा से विघटित्त कर दिया गया है । अब उक्त फर्म का संचालन दिनांक 01 अप्रैल , 2022 से द्वितीय पक्ष श्री नितिन महेश्वरी द्वारा अकेले ही प्रोपराइटरशिप के अन्तर्गत किया जाना तय किया गया है ।
एतद्वारा यह भी प्रमाणित किया जाता है कि उक्त के सम्बन्ध में समस्त विधिक रूप से औपचाकिताओं का पालन स्वयं मेरे द्वारा किया गया है ।
बलवीर यादव,
नितिन माहेश्वरी, भागीदार,
साझेदार,
मेसर्स श्री सिद्ध बाबा ग्रेनाइट, मोचीपुरा कबरई, जिला-महोबा, (उ०प्र०) ।
मे० श्री नाथ जी किसान सेवा केन्द्र, गंगीरी रोड, पिलखाना चौराहा, जिला-अलीगढ़ ।
119 भाग 8]
उत्तर प्रदेश गजट, 26 मार्च, 2022 ई० (चैत्र 5, 1944 शक संवत्)
सूचना
किशन पुत्र श्री तुलसीराम निवासी स्टेशन रोड, मैनपुरी फर्म से पृथक् हो गये हैं तथा पूर्व भागीदार श्रीमती कुसुमलता पत्नी श्री सुरेश चन्द्र बंसल, निवासी नरायन नगर, मैनपुरी अपनी स्वेच्छा से दिनांक 01 अप्रैल , 2017 को पृथक् हो गयी हैं, उनके स्थान पर उक्त दिनांक से श्री गौरव बंसल पुत्र श्री सुरेश चन्द्र बंसल, निवासी नरायन नगर, मैनपुरी उक्त फर्म में सम्मिलित हो गये हैं । अब फर्म में श्री राम प्रकाश, श्री राधेश्याम, श्री संजय अग्रवाल तथा श्री गौरव बंसल भागीदार हो गये हैं ।
फर्म मे० श्री श्याम डवलपर्स 2/703 बेगम बाग अलीगढ़ पत्रावली संख्या एएलआई / 0009974 में दिनांक 21 फरवरी, 2022 को श्री सतीश कुमार पुत्र श्री सूरज सिंह, निवासी गांव सहारनपुर , अलीगढ़ द्वारा फर्म की साझेदारी से अपनी स्वेच्छा पृथक् हुये तद्विदनांक को कश्मीरा पत्नी श्री राकेश कुमार सिंह, निवासी एच ०आई ० जी० 19 ए/ 1 विकास नगर ए० डी०ए० आगरा रोड, अलीगढ़ फर्म की साझेदारी में सम्मिलित हुई, वर्तमान फर्म में साझीदार श्री सतेन्द्र कुमार शर्मा, श्री अमित कुमार शर्मा, श्री हेमेन्द्र कुमार शर्मा, श्री रवि कुमार, श्री राकेश कुमार सिंह, कश्मीरा है ।
राम प्रकाश, भागीदार,
मे० श्री हनुमान राईस मिल्स, अपोजिट नवीन मण्डी, आगरा रोड, मैनपुरी।
सत्तेन्द्र कुमार शर्मा, साझेदार, मे० श्री श्याम डवलपर्स, 2/703 बेगम बाग, अलीगढ़ ।
सूचना
सूचना
सूचित किया जाता है कि भागीदारी फर्म मे० श्री हनुमान राईस मिल्स, अपोजिट नवीन मण्डी, आगरा रोड, मैनपुरी के भागीदारों/ विद्यान में परिवर्तन की सूचना इस प्रकार है-
मेरी फर्म मेसर्स वैष्णों गैस एजेन्सी एस० 5/51 ग्राउण्ड फ्लोर अर्दली बाजार, वाराणसी में 5 साझेदार हैं, जिसका रजिस्ट्रेशन क्रं० 5432/7-वी-16479, दिनांक 18 जनवरी, 2018 को हुआ, जिसमें केदार नाथ गुप्ता की मृत्यु दिनांक 18 मई, 2018 को हो गया है । उसके स्थान पर किसी भी साझेदार को शामिल नहीं किया गया है । फर्म यथावत चलता रहेगा । अब फर्म में कुल 4 साझेदार सविता देवी, दिलीप कुमार बंदना केशरी व अवधेश केशरी है ।
दिलीप कुमार, पार्टनर, मेसर्स वैष्णों गैस एजेन्सी, एस 5/51 , ग्राउण्ड फ्लोर, शाप नं0 3-4, आई०वी० काम्पलेक्स, महावीर रोड, अर्दली बाजार, जिला वाराणसी , उ० प्र० ।
उक्त फर्म में दिनांक 01 अप्रैल, 2009 को श्री राधेश्याम पुत्र श्री गजानन्द, निवासी स्टेशन रोड, मैनपुरी तथा श्री रामकिशन पुत्र श्री तुलसीराम , निवासी स्टेशन रोड, मैनपुरी नये भागीदार के रूप में सम्मिलित हुये तथा फर्म के पूर्व प्रथम पक्ष श्री गजानन्द पुत्र स्व० कन्हैया लाल, निवासी स्टेशन रोड, मैनपुरी द्वितीय भागीदार श्री तुलसीराम पुत्र स्व० कन्हैया लाल , निवासी स्टेशन रोड, मैनपुरी तथा पूर्व पंचम पक्ष भागीदार श्रीमती ममता रानी पत्नी श्री अनूप कुमार बंसल , निवासी नरायन नगर, मैनपुरी उक्त दिनांक को फर्म से अलग हो गये । दिनांक 01 अप्रैल , 2015 को पूर्व त्तृत्तीय पक्ष श्री राम
पी०एस०यू० पी०-52 हिन्दी गजट माग 8-2022 ई०।
मुद्रक एवं प्रकाशक-निदेशक, मुद्रण एवं लेखन सामग्री, उ ० प्र० , प्रयागराज ।