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Bihar Gazette · Government of Bihar

Bihar Gazette, 24 September 2008

Published 24 September 2008

Type
Extra Ordinary
Identifier
in.gov.bih.gazette.2008-09-24.463
Languages
English, Hindi

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पंचायती राज विभाग

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अधिसूचना

26 अगस्त 2008

सं॰-2प/वि-6-118/2008-4383

2प/वि-6-118/2008-4383—बिहार पंचायत राज अधिनियम, 2006 एवं बिहार पंचायत राज बिहार पंचायत राज अधिनियम, 2006 एवं बिहार पंचायत राज (संशोधन) अधिनियम, 2007 की धारा 152 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए राज्य सरकार जिले में ग्राम (संशोधन) अधिनियम, 2007 की धारा 152 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए राज्य सरकार जिले में ग्राम (संशोधन) अधिनियम, 2007 की धारा 152 द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए राज्य सरकार जिले में ग्राम पंचायतों एवं पंचायत समितियों से संबंधित किसी भी मामले की जॉंच करने हेतु संबंधित जिला दण्डाधिकारी को पंचायतों एवं पंचायत समितियों से संबंधित किसी भी मामले की जॉंच करने हेतु संबंधित जिला दण्डाधिकारी को सामान्य रूप से प्राधिकृत करती है । जिला दण्डाधिकारी अपने अधीनस्थ किसी पदाधिकारी से ग्राम पंचायतों एवं सामान्य रूप से प्राधिकृत करती है । जिला दण्डाधिकारी अपने अधीनस्थ किसी पदाधिकारी से ग्राम पंचायतों एवं सामान्य रूप से प्राधिकृत करती है । जिला दण्डाधिकारी अपने अधीनस्थ किसी पदाधिकारी से ग्राम पंचायतों एवं पंचायत समितियों से संबंधित मामले की जॉंच सम्पन्न करा सकते है, पर वह पदाधिकारी अनुमंंडल पदाधिकारी से पंचायत समितियों से संबंधित मामले की जॉंच सम्पन्न करा सकते है, पर वह पदाधिकारी अनुमंंडल पदाधिकारी से पंचायत समितियों से संबंधित मामले की जॉंच सम्पन्न करा सकते है, पर वह पदाधिकारी अनुमंंडल पदाधिकारी से न्यून पंक्ति का नहीं होगा।

जिला परिषद्‌ से संबंधित मामले की जॉंच हेतु संबंधित प्रमंडलीय आयुक्त को प्राधिकृत किया जाता है। जिला परिषद्‌ से संबंधित मामले की जॉंच हेतु संबंधित प्रमंडलीय आयुक्त को प्राधिकृत किया जाता है। जिला परिषद्‌ से संबंधित मामले की जॉंच हेतु संबंधित प्रमंडलीय आयुक्त को प्राधिकृत किया जाता है। इसके अतिरिक्त अनुमंडल दण्डाधिकारी तथा जिला पंचायत राज पदाधिकारी अपने क्षेत्राधीन ग्राम पंचायतों इसके अतिरिक्त अनुमंडल दण्डाधिकारी तथा जिला पंचायत राज पदाधिकारी अपने क्षेत्राधीन ग्राम पंचायतों इसके अतिरिक्त अनुमंडल दण्डाधिकारी तथा जिला पंचायत राज पदाधिकारी अपने क्षेत्राधीन ग्राम पंचायतों अभ्यावेदन प्राप्त होने पर कर सकेंगे तथा एतद्‌ सम्बन्धी जॉंच एवं पंचायत समितियों से संबंधित मामले की जॉंच अभ्यावेदन प्राप्त होने पर कर सकेंगे तथा एतद्‌ सम्बन्धी जॉंच एवं पंचायत समितियों से संबंधित मामले की जॉंच प्रतिवेदन जिला दण्डाधिकारी को भेज सकेंगे। परन्तु इस प्रकार के जॉच की पूर्व सूचना जिला दण्डाधिकारी को प्रतिवेदन जिला दण्डाधिकारी को भेज सकेंगे। परन्तु इस प्रकार के जॉच की पूर्व सूचना जिला दण्डाधिका प्रतिवेदन जिला दण्डाधिकारी को भेज सकेंगे। परन्तु इस प्रकार के जॉच की पूर्व सूचना जिला दण्डाधिका भेजा जाना अनिवार्य होगा।

सरकार समय-समय पर अभिलिखित किये जाने वाले कारणों से किसी अन्य प्राधिकारी द्वारा भी सरकार समय-समय पर अभिलिखित किये जाने वाले कारणों से किसी अन्य प्राि 2. सरकार समय-समय पर अभिलिखित किये जाने वाले कारणों से किसी अन्य प्राि

त्रिस्तरीय पंचायतों के मामलों की जॉंच करा सकेगी

च करा सकेगी।

3. जॉंच पदाधिकारियों को जॉंच के प्रयोजनार्थ साक्ष्य लेने और गवाहों को उपस्थित होने तथा साक्ष्यों एवं जॉंच पदाधिकारियों को जॉंच के प्रयोजनार्थ साक्ष्य लेने और गवाहों को उपस्थित होने तथा साक्ष्यों एवं जॉंच पदाधिकारियों को जॉंच के प्रयोजनार्थ साक्ष्य लेने और गवाहों को उपस्थित होने तथा साक्ष्यों एवं सिविल न्यायालय की दस्तावेजों को प्रस्तुत करने हेतु विवश करने के लिए सिविल प्रक्रिया संहिता 1908 के अधीन सिविल न्याया दस्तावेजों को प्रस्तुत करने हेतु विवश करने के लिए सिविल प्रक्रिया संहिता 1908 के अधीन शक्तियॉं होंगी।

जिला दण्डाधिकारी जॉंच प्रतिवेदन अपने मंतव्य के साथ सरकार को अग्रसारित करेंगे । इसके समुचित 4. जिला दण्डाधिकारी जॉंच प्रतिवेदन अपने मंतव्य के साथ सरकार को अग्रसारित करेंगे । इसके समुचित जिला दण्डाधिकारी जॉंच प्रतिवेदन अपने मंतव्य के साथ सरकार को अग्रसारित करेंगे । इसके समुचितपुनर्विलोकन के उपरान्त सरकार विधि के अनुसार कार्रवाई कर सकेगी। पुनर्विलोकन के उपरान्त सरकार विधि के अनुसार कार्रवाई कर सकेगी। 5. यह आदेश तुरंत प्रवृत्त होगा । यह आदेश तुरंत प्रवृत्त होगा । अस्पष्ट, बिहार राज्यपाल के आदेश से बिहार राज्यपाल के आदेश से (ह॰)अस्पष्ट, सरकार के प्रधान सचिव। सरकार के प्रधान सचिव। , 2 The 26th August 2008 No. 2P/VI-6-118/2008 - 4383—In exercise of the powers conferred by section 152 of the Bihar Panchayat Raj Act, 2006 & Bihar Panchayat Raj (Amendment) Act 2007, the State Government hereby authorises the concerned District Magistrate in a District to inquire into any matter with regard to affair of any Gram Panchayat and Panchayat Samiti. In case of matter related with Gram Panchayat and Panchayat Samit, the District Magistrate, himself or may get the matter enquired by any of his subordinate officers, but such officers shall not be below the rank of Sub-Divisional Officer. The concerned Divisional Commissioner is hereby authorised to inquire into any matter related with Zila Parishad. The Sub-Divisional officer and the District Panchayat Raj Officer can also enquire into the matter related with Gram Panchayat and Panchayat Samiti, within his jurisdiction on receipt of application in that respect and submit the enquiry report to District Magistrate. The Sub- divisional Officer and the District Panchayat Raj Officer shall give prior information before initiation of such enquiry to the concerned District Magistrate. 2. The government may cause, from time to time for reasons to be recorded, an enquiry to be made by any other authority also of the cases of three tier Panchayats. 3. The enquiry officers shall have the powers of the Civil Court under the Code of Civil Procedure, 1908 to take evidence and to compel attendance of witnesses and production of evidences and documents for the purpose of enquiry. 4. The District Magistrate shall forward the enquiry report with his opinion to the Government. The Government, after its proper review, shall take action in accordance with law. 5. This order shall come into force at once.

By order of the Governor of Bihar Sd/-Illegible, Principal Secretary to the Government.

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571+500
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