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असाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंक (cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत 22221111 अमहायण अमहायण अमहायण अमहायण 1930 1930 1930 1930 ((((शशशश0000)))) ((((संसंसंसं0000 प प प पटना टना टना टना 555566661111)))) पपपपटनाटनाटनाटना, , , , शुबशुबशुबशुबवारवारवारवार 11112222 +दस-ब +दस-ब +दस-ब +दस-बर र र र 2008200820082008 [विध्ेयक संख्या-19/2008⁄ बिहार विधन-सभा सचिवालय
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vf/klwpuk
4 दिसम्बर 2008
संख्या-वि∫स∫वि∫-25/2008-2696वि∫स∫—बिहार आकस्मिकता निध् ि;संशोध्नद्ध विध्ेयक, 2008, जो बिहार विधनसभा में दिनांक-4 दिसम्बर, 2008 को पुरःस्थापित हुआ था, बिहार विधन सभा की प्रिÕया तथा कार्य संचालन नियमावली के नियम-116 के अन्तर्गत उ∞ेश्य और हेतु सहित प्रकाशित किया जाता है।
सुरेन्‹ प्रसाद शर्मा,
सचिव, बिहार विधन-सभा।
[वि॰स॰वि॰-19/2008] बिहार आकस्मिकता निधि (संशोधन) विधेयक, 2008 izLrkouk%& बिहार आकस्मिकता निधि अधिनियम, 1950 (बिहार अधिनियम 19, 1950) का संशोधन करने के लिए विधेयक। चूँकि राज्य गंभीर रूप से आपदा की चपेट में है, और, चूँकि राहत एवं पुनर्वास के उपायों को आपात और व्यापक पैमाने पर किया जाना है, इसलिए अब, भारत गणराज्य के उनसठवें वर्ष में बिहार राज्य विधान मण्डल द्वारा निम्नलिखित रूप में यह अधिनियमित हो :- 1. संक्षिप्त नाम और प्रारम्भ।- (1) यह अधिनियम बिहार आकस्मिकता निधि (संशोधन) अधिनियम, 2008 कहा जा सकेगा।
(2) यह तुरंत प्रवृत्त होगा। 2 (cid:18)बहार गजट, (असाधारण)] 12 fnlEcj 2008 ''परन्तु बिहार आकस्मिकता निधि (संशोधन) अधिनियम, 2008 के आरंभ की तिथि से प्रारम्भ होकर 31 मार्च, 2009 तक की अवधि के दौरान इस धारा का प्रभाव इस उपांतरण के अधीन रहते हुए रहेगा कि शब्द 'तीन सौ पचास करोड़' शब्द के स्थान पर शब्द ''दो हजार पाँच सौ करोड़'' द्वारा प्रतिस्थापित किये जायेगे।''
3. निरसन एवं व्यावृति।-(1) बिहार आकस्मिकता निधि (संशोधन) अध्यादेश 2008 (बिहार अध्यादेश संख्या-2, 2008) इसके द्वारा निरसित किया जाता है।
(2) ऐसे निरसन के होते हुए भी उक्त अध्यादेश द्वारा या के अधीन प्रदत्त किसी शक्ति के प्रयोग में किया गया कोई कार्य या की गयी कोई कार्रवाई इस अधिनियम द्वारा या के अधीन प्रदत्त शक्तियों के प्रयोग में किया गया या की गई समझी जायेगी, मानों यह अधिनियम उस दिन प्रवृत्त था जिस दिन ऐसा कार्य किया गया था या ऐसी कार्रवाई की गयी थी।
——— foÙkh; lays[k बिहार आकस्मिकता निधि का स्थायी काय 350 (तीन सौ पचास) करोड़ रूपये का था इस वर्ष अप्रत्याशित बाढ़ के फलस्वरूप आपदा प्रभावित क्षेत्रों में सहायता उपलब्ध कराने हेतु बजट में उपबन्ध राशि के अतिरिक्त 2150/- (दो हजार एक सौ पचास) करोड़ रूपये की आवश्यकता पड़ गयी जिसे बिहार आकस्मिकता निधि संशोधन अधिनियम 1950 की धारा-4 का संशोधन कर अध्यादेश द्वारा 2150/- करोड़ रूपये अतिरिक्त राशि स्वीकृत कराई गयी जो दिनांक 31.03.2009 तक प्रभावी रहेगा। इस प्रकार से चालू वित्तीय वर्ष के लिए बिहार आकस्मिकता निधि का स्थायी काय 2500/-(दो हजार पाँच सौ) करोड़ रूपये का होगा। इसी उद्देश्य से बिहार आकस्मिकता निधि (संशोधन) विधेयक, 2008 को अधिनियमित कराना आवश्यक है। अतएव प्रस्ताव है कि बिहार आकस्मिकता निधि (संशोधन) विधेयक, 2008 की स्वीकृति दी जाय।
(सुशील कुमार मोदी) भार साधक सदस्य।
——— mís'; ,oa gsrq बिहार आकस्मिकता निधि का स्थायी काय 350 (तीन सौ पचास) करोड़ रूपये का था इस वर्ष बाढ़ के फलस्वरूप आपदा प्रभावित क्षेत्रों में सहायता उपलब्ध कराने हेतु बजट में उपबंधित राशि के अतिरिक्त 2150/- (दो हजार एक सौ पचास) करोड़ रूपये की आवश्यकता पड़ गयी जिसे बिहार आकस्मिकता निधि संशोधन अधिनियम 1950 की धारा-4 का संशोधन कर अध्यादेश द्वारा 2150/- करोड़ रूपये अतिरिक्त राशि स्वीकृत कराई गयी जो दिनांक 31.03.2009 तक प्रभावी रहेगा। इसलिए यह अब आवश्यक हो गया है कि उक्त अध्यादेश द्वारा स्वीकृत अतिरिक्त राशि 2150/- करोड़ का शोधन और विनियोग करने हेतु इसे विधेयक के रूप में लाना ही इस विधेयक का मुख्य उद्देश्य है तथा इसे अधिनियमित कराना ही इस विधेयक का अभिष्ठ है।
(सुशील कुमार मोदी) भार साधक सदस्य
सच्ची प्रति
पटना दिनांक-4 दिसम्बर, 2008
सुरेन्द्र प्रसाद शर्मा, सचिव, बिहार विधान-सभा।
———— अधी/क, सिचवालय मुिणालय, (cid:18)बहार, पटना (cid:26)ारा ूकािशत एवं मु+ित। (cid:18)बहार गजट (असाधारण) 561-571+10-ड(cid:15)0ट(cid:15)0पी0।