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Bihar Gazette · Government of Bihar

Bihar Gazette, 30 September 2009

Published 30 September 2009

Type
Ordinary
Identifier
in.gov.bih.gazette.2009-09-30.37
Languages
English, Hindi

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िनबंधन सं(cid:8)या पी0ट(cid:15)0-40

(cid:18)बहार गजट(cid:18)बहार गजट(cid:18)बहार गजट(cid:18)बहार गजट

(cid:18)बहार सरकार (cid:24)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:24)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:24)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:24)ारा ूकािशत 8888 आ(cid:30)(cid:31)आ(cid:30)(cid:31)आ(cid:30)(cid:31)आ(cid:30)(cid:31)नननन, , , , 1931931931931 1 1 1 ((((शशशश0000)))) सं(cid:8)यासं(cid:8)यासं(cid:8)यासं(cid:8)या 33337777 पटनापटनापटनापटना, , , , बुबुबुबुधवारधवारधवारधवार,,,, ———————— 30303030 िसत)बिसत)बिसत)बिसत)बरररर,,,, 2009 2009 2009 2009 ((((ईईईई0000)))) (cid:18)वषय(cid:18)वषय(cid:18)वषय(cid:18)वषय----सूचीसूचीसूचीसूची पृंठपृंठपृंठपृंठ

पृंठपृंठपृंठपृंठ भाग-1—िनयु(cid:18)3, पदःथापन, बदली, श(cid:18)3, छु 9ट(cid:15)

भाग-5—(cid:18)बहार (cid:18)वधान मंडल म[ पुर:ःथा(cid:18)पत (cid:18)वधेयक, उ]त (cid:18)वधान मंडल म[ उपःथा(cid:18)पत और अ<य =य(cid:18)3गत सूचनाएं। 2-4

या उपःथा(cid:18)पत Qकये जानेवाले ूवर भाग-1-क—ःवयंसेवक गुAमC के समादेंटाओं के

सिमितयC के ूितवेदन और उ]त (cid:18)वधान आदेश।

---

भाग-1-ख—मैश(cid:15)कु लेशन, आई0ए0, आई0एससी0,

मंडल म[ पुर:ःथापन के पूवM ूकािशत (cid:18)वधेयक।

---

बी0ए0, बी0एससी0, एम0ए0,

भाग-7—संसद के अिधिनयम (cid:30)जनपर रांशपित क^ एम0एससी0, लॉ भाग-1 और 2,

अनुमित िमल चुक^ है। ---

एम0बी0बी0एस0, बी0एस0ई0, ड(cid:15)प0-इन-

एड0, एम0एस0 और मु(cid:8)तार(cid:15) पर(cid:15)Kाओं के

भाग-8—भारत क^ संसद म[ पुर:ःथा(cid:18)पत (cid:18)वधेयक, पर(cid:15)Kा-फल, कायMबम, छाऽवृ(cid:18)P ूदान,

संसद म[ उपःथा(cid:18)पत ूवर सिमितयC के आQद।

---

ूितवेदन और संसद म[ उपःथा(cid:18)पत ूवर भाग-1-ग—िशKा संबंधी सूचनाएं, पर(cid:15)Kाफल आQद ---

सिमितयC के ूितवेदन और संसद म[ पुर:ःथापन के पूवM ूकािशत (cid:18)वधेयक। ---

भाग-2—(cid:18)बहार-राRयपाल और कायाMSयKC (cid:24)ारा

भाग-9—(cid:18)व_ापन

---

िनकाले गये (cid:18)विनयम, आदेश, अिधसूचनाएं

भाग-9-क—वन (cid:18)वभाग क^ नीलामी संबंधी सूचनाएं ---

और िनयम आQद। 5-11

भाग-9-ख—िन(cid:18)वदा सूचनाएं, प`रवहन सूचनाएं, भाग-3—भारत सरकार, प(cid:30)Tम बंगाल सरकार और

उVच <यायालय के आदेश, अिधसूचनाएं

<यायालय सूचनाएं और सवMसाधारण सूचनाएं इaयाQद। ---

और िनयम, 'भारत गजट' और राRय गजटC के उXरण। ---

पूरक

---

भाग-4—(cid:18)बहार अिधिनयम ---

पूरक-क 13-172 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009

भागभागभागभाग----1111

िनयु(cid:18)3िनयु(cid:18)3िनयु(cid:18)3िनयु(cid:18)3, , , , पदःथापदःथापदःथापदःथापपपपनननन, , , , बदलीबदलीबदलीबदली, , , , श(cid:18)3श(cid:18)3श(cid:18)3श(cid:18)3, , , , छु 9ट(cid:15) और अ<यछु 9ट(cid:15) और अ<यछु 9ट(cid:15) और अ<यछु 9ट(cid:15) और अ<य वैय(cid:18)3क सूचनाएंवैय(cid:18)3क सूचनाएंवैय(cid:18)3क सूचनाएंवैय(cid:18)3क सूचनाएं ÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑ

कार्मिक विभाग

———

अधिसूचनाएं

15 सितम्बर 2009

संख्या 7 पी 4-2-28/2007-9270-का॰—दण्ड प्रक्रिया संहिता, 1973(ऐक्ट 2, 1974) की धारा 21 के अन्तर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए राज्यपाल अनुबद्ध अनुसूची के द्वितीय स्तम्भ में उल्लिखित पदाधिकारियों को दिनांक 6 जुलाई 2009 से 31 जुलाई 2009 तक अनुबद्ध अनुसूची के तृतीय स्तम्भ में उल्लेखित जिले के लिए विशेष कार्यपालक पदाधिकारी नियुक्त करते है और निदेश देते है कि उक्त पदाधिकारी उक्त जिले में दण्ड प्रक्रिया संहिता, 1973 (ऐक्ट 2, 1974) के अन्तर्गत कार्यपालक दण्डाधिकारी को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करेंगे।

राज्यपाल उक्त पदाधिकारियों को धारा 144, दण्ड प्रक्रिया संहिता के अन्तर्गत शक्यिां प्रदान करते है।

गश्ती सह मतपेटिका संग्रहण दण्डाधिकारी का सूची, कैमूर (भभुआ)
1 Saryu Das (pin-3100079) Supply inspector, sub divisional office bhabua
2 Stay Narayan Sah (pin-3100334) Beeo, block development office
3 Lallan Prasad (pin-3100545) Circle inspector, anchal office chainpur
4 Noor Abaas (pin-3100780) Supply inspector, sdo office mohania
5 पीठासीन पदाधिकारियों की सूची, कैमूर (भभुआ) Raghubir Prasad (pin-3102335) Circle inspector, anchal office
1 Ram Nagina Ram (pin-3100404) V.L.W., block development office
2 Ram Ballabh Singh (pin-3100407) V.L.W., block development office
3 Ramesh Singh (pin-3100409) B.A.O., block development office
4 Tej Bali Sah (pin-3100513) Assistant, anchal office chainpur
5 Purushottam Singh (pin-3100572) Head clerk, anchal office
6 Md. Bharmar Rai (pin-3100917) Assistant, SDO office mohania
7 Dinanath Ojha (pin-3102454) V.L.W., block development office
8 Manoj Ranjan Singh (pin-3102651) Head clerk, anchal office
9 Lal Mohar Das (pin-3102823) Head assistant, anchal office
10 प्रथम मतदान पदाधिकारियों की सूची, कैमूर (भभुआ) Kameshwar Prasad (pin-3103759) Assistant, project executive office
1 Lakshman Prasad (pin-3100275) Revenue karmchari, anchal office
2 Motilal Singh (pin-3100278) Revenue karmchari, anchal office
3 Pradip Kumar Singh (pin-3100314) Assistant, block development office
4 Shyam Lal Ram (pin-3100387) Assistant, block development office
5 Rajeshwar Kumar Paswan (pin-3100391) Assistant, block development office
6 Deepak Prasad Dubey (pin-3100491) Revenue karmchari, anchal office
7 Awadh Bihari Panday (pin-3100499) Revenue karmchari, anchal office
8 Ravi Shankar Singh (pin-3100515) Revenue karmchari, anchal office
9 Chandrika Prasad Singh (pin-3100567) Revenue karmchari, anchal office chainpur
10 Anil kr. Chaubey (pin-3100648) Revenue karmchari, anchal office
3 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, राजीव लोचन, विशेष सचिव।

———

4 सितम्बर 2009

सं॰ 7/पी0 4-4-02/2005 का0-8861—भ्रष्टाचार निरोध अधिनियम, 1988 (1988 का अधिनियम-49) की धारा 3 द्वारा प्रदत शक्त्तियों का प्रयोग करते हुए, इस अधिनियम या इसके संगत पूर्व अधिनियम के अन्तर्गत सभी दंडनीय अपराधों के या उनके किसी अपराध को करने के षड्‌यंत्र या प्रयास अथवा दुष्प्रेषण एवं इसके साथ संबंद्ध या असंबद्ध अन्य अपराधों के विचारण हेतु, बिहार राज्यपाल निम्नांकित अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश को उनके नाम के सामने अनुबद्ध अनुसूची के स्तंभ-'3' में उल्लिखित क्षेत्रों के लिए विशेष न्यायाधीश के रूप में नियुक्त करते है :-

क्रमांक विशेष न्यायाधीश के नाम एवं पदनाम क्षेत्राधिकार
1 2 3
1 श्री धीरेन्द्र कुमार पाण्डेय, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, पटना । विशेष न्यायालय, सी0बी0आई0 (उत्तर) बिहार, पटना । (पशुपालन विभाग को छोड़कर अन्य मामलें, जो केन्द्रीय अन्वेषण व्यूरो के अनुसंधानान्तर्गत है) यथा जिले-पश्चिम चम्पारण, पूर्वी चम्पारण, शिवहर, सीतामढ़ी, मधुबनी, सुपौल, अररिया, किशनगंज, पूर्णिया, कटिहार, मधेपुरा, सहरसा, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, गोपालगंज, सिवान, सारण, वैशाली, समस्तीपुर, बेगूसराय और खगड़िया ।

2. यह अधिसूचना दिल्ली पुलिस स्थापना अनुसंधानित मामलों के निवारण पर लागू होगा । उपर्युक्त विशेष न्यायाधीश का क्षेत्राधिकार वही होगा जो महानिबंधक, उच्च न्यायालय, पटना के ज्ञापांक 8407-09 दिनांक 4 नवम्बर 2004 एवं विधि विभाग की अधिसूचना सं0 5186 दिनांक 29 नवम्बर 2004 के द्वारा अधिसूचित किया गया है ।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, राजीव लोचन, विशेष सचिव।4 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009 मानव संसाधन विकास (उच्च शिक्षा) विभाग ——— अधिसूचनाएं 24 दिसम्बर 2008

सं॰ 1/व 3-129/2007-2065—डॉ0 (श्रीमती) शोभा घोष, सेवा निवृत्त व्याख्याता, हिन्दी विभाग, राजकीय महिला महाविद्यालय, गुलजारबाग, पटना, जिनकी नियुक्ति तिथि 11 अप्रील 1981 है, को दिनांक 11 अप्रील 1991 को 10 वर्षो की सेवा पूरी कर लेने पर उन्हें वेतनमान 3000-5000/- में प्रथम कालबद्ध प्रोन्नति दिनांक 11 अप्रील 1991 से स्वीकृत की जाती है। इस प्रोन्नति से पारस्परिक वरीयता पर किसी प्रकार का प्रभाव नहीं पड़ेगा।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, ओंकार नाथ आर्य, उप-सचिव।

———

4 मार्च 2009

सं॰ 14/एम 7-40/08-उ0शि0-163—महालेखाकार के पत्र संख्या जी0ई0 9-शिक्षा-ट-6-126 दिनांक 26 मई 2008 द्वारा प्राप्त अवकाश अनुमान्यता प्रतिवेदन के आधार पर विभागीय अधिसूचना संख्या-975 दिनांक 28 मई 2008 के द्वारा श्रीमती महाश्वेता महारथी, व्याख्याता (संस्कृत विभाग) राजकीय महिला महाविद्यालय, गुलजारबाग, पटना-7 को बिहार सेवा संहिता के नियम 227, 228 के अन्तर्गत दिनांक 21 जुलाई 2008 से 10 अगस्त 2008 तक कुल 21 (इक्कीस) दिनों का उपार्जित अवकाश स्वीकृत की गई थी।

पुनः उक्त के आलोक में दिनांक 20 जुलाई 2008 को रविवारीय अवकाश उपभोग करने की अनुमति प्रदान की जाती है।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, ओंकार नाथ आर्य, उप-सचिव।

ÑÑÑÑ अधीKक, सिचवालय मुिणालय,

(cid:18)बहार, पटना (cid:24)ारा ूकािशत एवं मुQित। (cid:18)बहार गजट, 28Ñ571+20 -ड(cid:15)0ट(cid:15)0पी0। Website: http://egazette.bih.nic.in5 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009

भागभागभागभाग----2222

(cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार----राRयराRयराRयराRयपाल और कायाMSयपाल और कायाMSयपाल और कायाMSयपाल और कायाMSयKC (cid:24)ारा िनकाले गये (cid:18)विनयमKC (cid:24)ारा िनकाले गये (cid:18)विनयमKC (cid:24)ारा िनकाले गये (cid:18)विनयमKC (cid:24)ारा िनकाले गये (cid:18)विनयम, , , , आदेशआदेशआदेशआदेश, , , , अिधसूचनाएं और िनयम आQद।अिधसूचनाएं और िनयम आQद।अिधसूचनाएं और िनयम आQद।अिधसूचनाएं और िनयम आQद।

ÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑÑ

सं॰15/एम 1-24/05/1846 मानव संसाधन विकास विभाग ——— संकल्प 21 नवम्बर 2008 विषयः- वित्त रहित षिक्षा नीति को समाप्त करते हुए संंबद्धता प्राप्त डिग्री महाविद्यालयों को अनुदान देने के लिए नीति का निर्धारण।

राज्य में वित्त रहित गैर-सरकारी डिग्री कॉलेज संचालित होते रहे हैं। सरकार द्वारा कोई ऐसा नीति मूलक सिद्धान्त अथवा मानक निर्धारित नहीं किया गया था जिसके आधार पर निजी शिक्षण संस्थानों को अनुदान दिया जा सके । लंबे समय से अनुदान देने की नीति बनाये जाने की आवष्यकता महसूस की जाती रही है। अभी इन संस्थानों को किसी भी प्रकार की वित्तीय सहायता राज्य सरकार द्वारा नहीं दी जाती है । निजी डिग्री कॉलेजों की स्थापना की अनुमति/मान्यता/ संबंधन के संबंध में बिहार राज्य विष्वविद्यालय अधिनियम, 1976 की धारा 21 की उपधारा 2 (d) में अंकित प्रावधान एवं संकल्प संख्या 1065 दिनांक 9 दिसम्बर, 1982 के आलोक में संबंधन की कार्रवाई की जा रही है । सरकार द्वारा वित्त रहित षिक्षा नीति की समाप्ति की घोषणा की गई है । वित्त रहित शिक्षा नीति की समाप्ति का औचित्य वित्त रहित संस्थाएॅ अभी तक अपरिभाषित रही हैं। ऐसी संस्थाएॅ जो निजी प्रयास से खोले गये हैं एवं राज्य सरकार से वित्तीय सहायता प्राप्त नहीं कर रहें है, उन्हें वित्त रहित संस्था की श्रेणी में रखा जा सकता है। चूँकि राज्य सरकार ने उन्हें किसी प्रकार की सहायता नहीं देने की नीति बना रखी थी इसलिए यह नीति "वित्त रहित नीति" कही जाती रही है। विभिन्न स्तरों की शिक्षण संस्थाएॅं वित्त रहित की श्रेणी में हैं। कतिपय मूल बातेेेेेेेें इन सभी संस्थाओं में समान हैैं। ये संस्थाएॅं किसी-न-किसी रूप में विष्वविद्यालयों से संबद्धता प्राप्त हैं। इनके अपने आय के श्रोत पर्याप्त नहीं हैं, जिससे कि ये समुचित ढंग से संचालित हो सकें। वत्र्तमान में विश्वविद्यालयों से सम्बद्ध डिग्री महाविद्यालयों को वित्तीय सहायता राज्य सरकार द्वारा प्रदान नहीं की जाती है । इन संस्थाओं के संबंध में कहा जा सकता है कि -

(क) ये संस्थाएँ खोली गयी, क्योंकि सरकार ने शिक्षा के विभिन्न स्तरों पर नई संस्थाएँ खोलना प्रायः बंद कर दिया था;

(ख) इन संस्थाओं के पास भूमि, भवन आदि हैं तथा इनका सरकारी स्तर पर उपयोग करने से सरकार को नयी संस्थाओं केा शुरू करने के लिए नया निवेश नहीं करना पडे़गा;

(ग) इनके पास शिक्षक एवं षिक्षकेत्तर कर्मचारी हैं; (घ) इस प्रकार ये शिक्षा की "माँग" तथा "पूर्ति" के अन्तर को भरने का कार्य कर सकते हैं।

अतएव राज्य सरकार ने निर्णय लिया है कि षैक्षणिक वातावरण में सुधार एवं छात्रों को गुणात्मक षिक्षा प्रदान करने के उद्‌देष्य से वैसे अर्हत्ता प्राप्त संबद्ध डिग्री महाविद्यालयों को, जो षिक्षण का कार्य संतोषजनक ढं़ग से कर रहे हों, वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जाए । सम्बद्ध महाविद्यालयों को वित्तीय सहायता/अनुदान निम्नलिखित षत्र्तों एवं प्रक्रियाओं के अन्तर्गत दी जाएगी :-

(I) सम्बद्ध डिग्री महाविद्यालयों को अनुदान देने हेतु आवेदन तथा ऑंकड़े संकलित किये जायेगें। इन सूचनाओं तथा ऑेंकड़ों की जॉंच एवं परीक्षण विभागीय स्तर पर किया जायेगा । समीक्षोपरांत अगर आवष्यक समझा गया तो विभागीय स्तर पर अथवा किसी स्वतंत्र एजेन्सी के माध्यम से महाविद्यालय द्वारा प्रेषित सूचनाओं एवं ऑंकड़ों की जॉंच कराई जाएगी । विभाग को प्रति षिक्षण संस्थान दिये जाने वाले अनुदान के लिए छात्र-छात्राओं की न्यूनतम एवं अधिकतम संख्या निर्धारित करने का अधिकार होगा ।6 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009 (II) महिला षिक्षा को प्रोत्साहित करने के उद्‌देष्य से सम्बद्ध महिला महाविद्यालयों के मामलों में निर्धारित अर्हत्ताओं को षिथिल करने की शक्ति विभाग को होगी।

(III) वित्त रहित षिक्षा नीति की समाप्ति के पश्चात्‌ वित्त रहित डिग्री महाविद्यालयों की स्थापना पूर्व की भाँति नहीं की जाएगी । संकल्प संख्या 1065 दिनांक 9 दिसम्बर, 1982 की कंडिका 3 को आवष्यकतानुसार संषोधित किया जाएगा।

(IV) सम्बद्ध महाविद्यालयों के प्रबंधन द्वारा अनुदानित राषि का अंकेक्षण पंजीकृत अंकेक्षक/चार्टर्ड एकाउन्टेन्ट से अनिवार्य रूप से कराया जाएगा तथा उपयोगिता प्रमाण पत्र प्रतिवर्ष अंकेक्षण प्रतिवेदन के साथ राज्य सरकार को उपलब्ध कराया जाएगा । विभागीय स्तर पर समीक्षोपरान्त उपयोगिता प्रमाणपत्र संतोषप्रद पाए जाने के उपरांत ही आगामी वित्तीय वर्ष में अनुदान की स्वीकृति पर विचार किया जा सकेगा । (V) भारत के अंकेक्षक एवं लेखा महापरीक्षक तथा राज्य सरकार के अंकेक्षण (वित्त) विभाग को यह अधिकार होगा कि वे इस लेखा का अंकेक्षण करे । अतएव अनुदानित संपूर्ण राषि का लेखा-जोखा संबंधित महाविद्यालय द्वारा अलग से संधारित किया जाएगा ।

(VI) नई व्यवस्था के तहत्‌ निजी प्रबंधन कायम रखते हुए अर्हत्ता प्राप्त षिक्षकों के भुगतानों की जिम्मेवारी निजी प्रबंधन की ही रहेगी ।

(VII) सरकार द्वारा अर्हत्ताधारी सम्बद्ध डिग्री महाविद्यालयों को वित्तीय सहायता/अनुदान लोक-निजी भागीदारी के सिद्धांत पर दी जाएगी । डिग्री महाविद्यालय के लिए स्नातक स्तर पर वित्तीय सहायता के स्वरूप का मूल सिद्धांत प्रति सफल विद्यार्थी भुगतान आधारित होगा ।

(VIII) प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय श्रेणी में उत्तीर्ण छात्रों/छात्राओं के लिए महाविद्यालय प्रबंधन को निम्न रूप से अनुदान अनुमान्य होगाः-

श्रेणी प्रथम श्रेणी द्वितीय श्रेणी त्ृातीय श्रेणी
छात्र रू0 8500/- रू0 8000/- रू0 7500/-
छात्रा रू0 8700/- रू0 8200/- रू0 7700/-

अनुदान की गणना स्नातक (प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय खण्ड) मेें उत्तीर्ण होने वाले छात्रों की वास्तविक संख्या के आधार पर की जाएगी। (IX) इस अनुदान का उपयोग महाविद्यालयों के प्रबंध समिति द्वारा षिक्षक/षिक्षकेत्तर कर्मचारियों के भुगतान पर किया जाएगा। अनुदान की राषि का व्यय एकाउंट पेई चेक के माध्यम से ही किया जाएगा। प्रति सफल विद्याथी अनुदान देने का मुख्य उद्‌देष्य भी प्रबंध समिति को इस उद्देष्य हेतु आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना है।किसी भी परिस्थिति में अनुदान की राषि का विचलन नहीं किया जाएगा। (X) अनुदान मात्र वैसे पाठ्‌यक्रमों एवं अवधि के लिए अनुमान्य होगा, जिस पाठ्‌यक्रम एवं जिस अवधि के लिए महाविद्यालय को विधिवत संबंधन प्राप्त होगा।

(XI) उत्कृष्ट कोटि के सम्बद्ध महाविद्यालयों को जो गुणवत्तापूर्ण षिक्षा प्रदान करेगें तथा जिनमें छात्रों की पर्याप्त संख्या होगी एवं जिनका परीक्षाफल संतोषप्रद होगा वैसे महाविद्यालयों को आधारभूत संरचनाओं के विकास के लिए भविष्य में राषि की उपलब्धता होने पर प्रति सफल विद्याथी आधारित अनुदान के अतिरिक्त अन्य प्रकार की सहायता देने पर विचार किया जाएगा।

वित्त रहित संस्थाओं के दावों की जाँच प्रक्रिया

वित्त रहित सम्बद्ध डिग्री महाविद्यालयों के दावों की जाँच के संबंध में निम्नलिखित प्रक्रिया अपनाई जाएगी :- प्रत्येक वित्त रहित सम्बद्ध महाविद्यालय को निर्धारित प्रपत्र में सूचनाएँ उपलब्ध कराने को कहा जा सकता है। महाविद्यालय के प्रबंध समिति के सचिव द्वारा निर्धारित प्रपत्र में वांछित सूचनाएॅं मुहरबंद लिफाफे में (अनुसूची-1) प्रत्येक वर्ष 31 अगस्त तक विभाग को उपलब्ध करायी जायेगी । महाविद्यालय के प्रबंध समिति के अध्यक्ष एवं सचिव द्वारा षपथपत्र के साथ यह प्रमाणित किया जायेगा कि उनके द्वारा दी गई सूचनाएॅं सही है । महाविद्यालय द्वारा सम्पूर्ण कागजातों एवं सूचनाओं के साथ मात्र एक आवेदन समर्पित किया जाएगा । आदेष :- आदेष दिया जाता है कि इस संकल्प को बिहार राजकीय गजट में जन साधारण की सूचना हेतु प्रकाषित किया जाए तथा इसकी प्रतिलिपि निदेषक, उच्च षिक्षा को सूचनार्थ एवं आवष्यक कार्यार्थ भेजी जाए ।

बिहार-राज्यपाल के आदेष से, संजीव कुमार सिन्हा, अपर आयुक्त-सह-सचिव।7 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009

अनुसूची - 1

सम्बद्धता प्राप्त डिग्री महाविद्यालयों द्वारा महाविद्यालय से संबंधित सूचनाओं तथा ऑंकड़ों के संबंध में दिया गया षपथपत्र

एतद्‌ द्वारा, मैं .............................................................................................पुत्र/पुत्री/ पत्नी ....................

..........................................उम्र ...............वर्ष निवासी ग्राम -.......................................पो0-...............................

थाना -................................जिला -....................राज्य -.......................षपथपूर्वक घोषणा करता हॅूं कि नीचे अंकित सूचनाएॅं मेरी जानकारी में सही है :-

1. महाविद्यालय का नाम - पूरा पता- ग्राम/मुहल्ला/नगर/...................................... प्रखंड का नाम..................................................पो0................................

थाना.....................................जिला-............................ पिन कोड-..............................

2. संस्था के प्रबंधन का स्वरूप -

(क) (i) सोसाईटी (ii) ट्रस्ट (iii) अन्य

(ख) निबंधन संख्या एवं तिथि (प्रमाण-पत्र की प्रति संलग्न करें) ..........................................................

(ग) निबंधित सोसाईटी /ट्रस्ट का स्मृति पत्र एवं नियमावली संलग्न की जाय।

(घ) संबंधन की तिथि (प्रमाण-पत्र की प्रति संलग्न करें)

(ङ) सोसाईटी/ट्रस्ट/प्रबंधन समिति के सदस्यों का नाम/पूरा पता, दूरभाष संख्या सहित/पेषा तथा आपसी संबंध का पूर्ण विवरणः-

क्र0 नाम पूरा पता, दूरभाष संख्या सहित पेशा आपसी संबंध अभ्युक्ति
1 2 3 4 5 6

3. महाविद्यालय के संबंध में पूर्ण विवरण - (i) स्थापना की तिथिः-

(ii) संचालित होने वाले वर्ग के संबंध में पूर्ण विवरणः- (संकाय/विषय/पास/प्रतिष्ठा आदि का उल्लेख करें) (iii) संबंधन से संबंधित सभी पत्रों की अभिप्रमाणित छायाप्रति संलग्न करें।

4. डिग्री महाविद्यालयों से निकटस्थ डिग्री महाविद्यालय की दूरी -

5. संस्था के पास उपलब्ध परिसम्पत्तियाँ -

(क) जमीन (एकड़ तथा डिसमिल में)-

(ख) दान से प्राप्त भूमि का विवरण-

(ग) (i) क्या उक्त भूमि राज्यपाल, बिहार के नाम से स्थानांतरित है ? (प्रमाण-पत्र संलग्न करें )

(ii) क्या भूमि का दाखिल खारिज हो गया है ? (प्रमाण-पत्र संलग्न करें )8 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009

क्र0 विवरण आकार(वर्गमीटर में) अनुमानित मूल्य अभ्युक्ति
1 2 3 4 5
1. प्रशासनिक भवन
2. अकादमिक भवन/वर्ग कक्ष
3. प्रयोगषाला
4. लाईब्रेरी
5. सभागार
6. छात्र/छात्राओं के लिए कॉमन रूम
7. अन्य

(ङ) संस्था के पास अन्य सुविधाएँः-

i. खेल का मैदानः- (यदि उपलब्ध है तो भूमि का पूर्ण विवरण अंकित करें।) ii. खेल सामग्रियों की उपलब्धताः- (क) आउटडोर खेल संबंधी सामग्री की उपलब्धताः- (ख) इंडोर खेल संबंधी सामग्री की उपलब्धताः- iii. पेयजलः- (नल/चापाकल/कुआँ, पूर्ण विवरण दें) iv. शौचालय की सुविधाः- (छात्र एवं छात्रा के लिए शौचालय सुविधा की संख्या अंकित की जाय।) v. उपस्कर :- बेंच/डेस्क की संख्या, कुर्सी की संख्या, टेबुल की संख्या, अलमीरा की संख्या, ब्लैकबोर्ड की संख्या (पूर्ण विवरणी प्रस्तुत करें)

vi. पुस्तकालयः- पुस्तकालय में पुस्तकों की संख्या का विवरण अंकित करें ( विषयवार पुस्तकों की सूची संलग्न करें)।

vii. प्रयोगषालाः- क्या प्रयोगषाला पूर्णतः सुसज्जित है ? (उपलब्ध उपस्कर/उपकरणों का पूर्ण विवरण दें)। 6. संस्था से उत्तीर्ण छात्र/छात्राओं के बारे में पूरी सूचना :-

वर्ष (बिगत तीन वषों का) सम्मिलित छात्र/छात्राओं की संख्या उत्तीर्ण छात्र/छात्राओं की संख्या उत्तीर्ण छात्र/छात्राओं की केाटि
प्रथम श्रेणी द्वितीय श्रेणी तृतीय श्रेणी कुल योग सामान्य अनुसूचित जाति अनुसूचित जनजाति अत्यन्त पिछड़ावर्ग पिछड़ा वर्ग
प्रथम
द्वितीय
तृतीय
योगः-
9 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009

7. शिक्षकों के संबंध में विवरण ः - प्रबंध समिति द्वारा नियुक्त षिक्षक/षिक्षकेत्तर कर्मियों का विवरण (नियुक्ति आदेष एवं योगदान देने संबंधी साक्ष्य की सत्यापित प्रति संलग्न किया जाय)

क्र0सं0 नाम पु0/म0 पदनाम जन्म तिथि नियुक्ति तिथि नियुक्ति के समय शैक्षणिक एवं प्रशैक्षणिक योग्यता नियुक्ति के बाद अर्जित की गई योग्यता (वर्ष तिथि के साथ) ज ाति 1. सामान्य अ ारक्षण की कोटि 2. अनुसूचित जाति 3. जन जाति 4. पिछड़ा वर्ग 5. अति पिछ़डा वर्ग ि वकलांग हो तो 1. दृष्टिवाधित 2. श्रवणवधित 3. अस्थिजन्य निःशक्त
1. 2. 3. 4. 5. 6. 7. 8. 9. 10.

8. संस्था के विस्तार की क्षमता -

9. आय के स्त्रोतः-

(i) महाविद्यालय के सुरक्षा कोष में जमा निधि का ब्यौरा दें ।

(ii) महाविद्यालय के आय के स्त्रोत का विवरण दें।

(iii) महाविद्यालय में कार्यरत षिक्षक एवं षिक्षकेत्तर कर्मचारियों के वेतन भुगतान का पूर्ण विवरण दें।

(षिक्षक/षिक्षकेत्तर कर्मचारियों को देय वेतन का विस्तृत विवरण साक्ष्य सहित संलग्ग्न करें)

10. अन्य आवश्यक सूचनाएँ -

स्थान - संस्था के सचिव का पूरा हस्ताक्षर नाम तथा पूरा सम्पर्क पता,

दूरभाष तथा संस्था से संबंध

तिथि -10 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009 सत्यापन

एतद्‌ द्वारा, मैं श्री/श्रीमती ...................................................................................................घोषणा करता हॅूं कि इस षपथपत्र में अंकित सूचनाओं का मेरे द्वारा सत्यापित किया गया है और मेरी जानकारी में सही हैं । इसका कोई अंष असत्य नहीं है और किसी भी तथ्य को छिपाया नहीं गया है ।

(2) मैं यह भी घोषणा करता हॅूं कि यदि उपर्युक्त षपथपत्र के द्वारा प्रदत्त सूचनाएॅं गलत पाई जाती हैं तो महाविद्यालय की सम्बद्धता समाप्त कर दी जायेगी तथा मेरे विरूद्ध कानूनी कार्रवाई प्रारंभ की जा सकेगी ।

स्थानः- तिथिः-

संस्था के सचिव का पूरा हस्ताक्षर नाम तथा पूरा सम्पर्क पता, दूरभाष संख्या सहित ।

एतद्‌ द्वारा, मैं श्री/श्रीमती ...................................................................................................'षपथपूर्वक प्रमाणित करता हॅूं कि उपर्युक्त सभी सूचनायें मेरी जानकारी में सही हैं । अगर प्रदत्त सूचनायें गलत पाई जाती हैं, तो मेरे विरूद्ध कानूनी कार्रवाई प्रारंभ की जा सकेगी ।

स्थानः- तिथिः-

संस्था के अध्यक्ष का पूरा हस्ताक्षर नाम तथा पूरा सम्पर्क पता, दूरभाष संख्या सहित । निर्देश

1. जिला/प्रखंड/गाँव/नगर/मुहल्ला का औपचारिक नाम तथा उसका मुख्यालय बतायें।

2. सोसाईटी/ट्रस्ट/अन्य प्रबंधन समिति से संबंधित कागजात संलग्न करें एवं सूचनाएँ दें, जैसे- निबंधन संख्या, तिथि (प्रमाण-पत्र की प्रति सहित), स्थापना की अनुमति/प्रस्वीकृति/संम्बद्धन के संबंध में प्रमाण तथा समिति/ट्रस्ट/ प्रबंधन समिति के सदस्यों का नाम, पूरा पता, दूरभाष संख्या, पेशा तथा आपसी संबंध)

3. महाविद्यालय का पूरा नाम, पता, स्थापना वर्ष तथा उसमें चलाये जाने वाले वर्ग के संबंध में पूरा विवरण/(डिग्री महाविद्यालयों के लिए विषयों तथा प्रतिष्ठा आदि का भी उल्लेख करें)

4. आवेदित डिग्री महाविद्यालय से अन्य निकटस्थ डिग्री महाविद्यालय की दूरी, नाम तथा स्वरूप (अंगीभूत अथवा वित्त रहित)

5. (क) जमीन (एकड़ तथा डिसमिल में)

(ख) भवन (कमरे, हॉल, लाईब्रेरी, लेबोरेटरी आदि की संख्या तथा उसका आकार वर्गमीटर में तथा उनका अनुमानित मूल्य)

(ग) संस्था के पास अन्य सुविधाएँ (अलग सम्प्रति का ब्योरा, प्रयोगशाला, पुस्तकालय, फर्नीचर, शौचालय, खेल-मैदान आदि का विस्तृत ब्योरा, निबंधन पत्र एवं दाखिल खारिज की रसीद की प्रति संलग्न किया जाय) 6. विगत तीन वर्षों 2005, 2006, 2007 में उत्तीर्ण छात्र/छात्राओं की संख्या, श्रेणी-प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय एवं उनकी कोटि जैसे-अनुसूचित जाति, जनजाति आदि।

7. शिक्षक के नाम, नियुक्ति तिथि, नियुक्ति के समय योग्यता/प्रशिक्षण, वर्त्तमान योग्यता एवं प्रशिक्षण, कोटि (आरक्षित कोटि स्पष्ट करें) नियुक्ति की प्रक्रिया यथा विज्ञापन, मेधा सूची, चयन समिति का गठन, आरक्षण रोस्टर के अनुपालन से संबंधित विवरण एवं अन्य संबंधित सूचनाएँ ।

8. संस्था के बारे में कोई अन्य सूचनाएँ जो उपरोक्त प्रश्नों से नहीं मिल रहा हो तथा समुचित निर्णय में मद्‌द करें।

9. महाविद्यालय के आय के स्त्रोत का पूर्ण विवरण दें। षिक्षक एवं षिक्षकेत्तर कर्मचारियों को भुगतान की जाने वाली राषि का पूर्ण विवरण संलग्न किया जाय।

10. यह आवेदन पत्र संस्था के अध्यक्ष तथा सचिव द्वारा अभिलेखों तथा साक्ष्यों के आधार पर भरा जायेगा। अगर कोई गलत सूचना अंकित की जाती है तो उसके लिए संबंधित व्यक्ति जबाबदेह होंगें तथा उनके विरूद्ध कानूनी कार्रवाई की जायेगी।

11. सभी अनुलग्नकों को लेमिनेट करा कर फोल्डर में उपलब्ध कराया जायगा।11 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009 मानव संसाधन विकास (उच्च शिक्षा) विभाग ——— अधिसूचनाएं 2 दिसम्बर 2008

सं॰ 1/व 3-42/07-उच्च शिक्षा-1918—श्रीमती कमला कुमारी, व्याख्याता, समाजशास्त्र विभाग, राजकीय महिला महाविद्यालय गर्दनीबाग, पटना-2 को वित्त विभाग की सहमति तथा बिहार पेंशन नियमावली 58 के आलोक में दिनांक 19 जुलाई 1993 से 28 अप्रील 1998 तक सर जी0डी0 पाटलिपुत्रा उच्च विद्यालय सह इन्टर महाविद्यालय, कदमकुआं में प्रयोगशाला सहायक के पद पर की गयी पूर्व की सेवा अवधि को मात्र पेंशन प्रयोजनार्थ परिगणित करने की स्वीकृति प्रदान की जाती है।

2. इसमें वित्त विभाग का परामर्श प्राप्त है।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, प्रकाश चन्द्र सिंह, संयुक्त सचिव।

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3 सितम्बर 2009

सं॰ 15/एम 1-224/09 उ०शि०-1563—केन्द्रीकृत मॉनिटरिंग एवं डाटा सेंटर के लिए एक समिति निम्नवत्‌

01. State Information Officer बिहार, पटना या उनके प्रतिनिधि सदस्य
02. दीपक कुमार सिंह, उप निदेशक मानव संसाधन विकास (उ0शि0) विभाग, पटना सदस्य सचिव
03. विद्याधर मिश्र, लेखा पदाधिकारी, SCERT, Patna सदस्य

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, के0के0 पाठक, सचिव।

——— 3 सितम्बर 2009 सं॰ 2/एम 1-01/05-1573—निगरानी विभाग से प्राप्त विभिन्न पत्रों यथा पत्रांक 5246, दिनांक 17 सितम्बर 2008, पत्रांक 884 दिनांक 23 जुलाई 2008 तथा इसके साथ संलग्न कागजात में अंकित तथ्यों को दृष्टिपथ में रखते हुए विघटित बिहार राज्य विश्वविद्यालय (अंगीभूत महाविद्यालय) सेवा आयोग द्वारा व्याख्याताओं की अनियमित नियुक्ति के संबंध में दर्ज निगरानी काण्ड संख्या 01/2004 में निगरानी विभाग एवं ब्यूरो को उनके अनुरोध पर आवश्यक सहयोग प्रदान करने हेतु पटना विश्वविद्यालय के निम्नांकित शिक्षकों की समिति का गठन किया जाता हैः- (1) प्रो0 (डा0) राजमणि प्रसाद सिन्हा, विभागाध्यक्ष, भौतिकी विभाग, पटना विश्वविद्यालय, पटना। (2) डॉ0 सुदिप्ति अधिकारी विभागाध्यक्ष, भूगोल विभाग, पटना विश्वविद्यालय, पटना। (3) डॉ0 प्रशान्त दत्ता, निदेशक, दूर शिक्षा निदेशालय, पटना विश्वविद्यालय, पटना। 2. उक्त समिति काण्ड संख्या 01/2004 में निगरानी विभाग एवं ब्यूरों को आवश्यक सहयोग प्रदान करेगी। 3. उक्त तीनों सदस्य अधिसूचना निर्गत होने के दो दिनों के भीतर प्रधान सचिव, निगरानी विभाग से संपर्क करेगें। 4. उक्त तीनों सदस्यों से संपर्क स्थापित करने के लिए कुलसचिव, पटना विश्वविद्यालय से दूरभाष 2670531 एवं मोबाईल संख्या 9431042815 पर संपर्क किया जा सकता है।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, के0के0 पाठक, सचिव।

ÑÑÑÑ अधीKक, सिचवालय मुिणालय,

(cid:18)बहार, पटना (cid:24)ारा ूकािशत एवं मुQित। (cid:18)बहार गजट, 28Ñ571+20-ड(cid:15)0ट(cid:15)0पी0। Website: http://egazette.bih.nic.in12 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009 13 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009 (cid:18)बहार गजट(cid:18)बहार गजट(cid:18)बहार गजट(cid:18)बहार गजट काकाकाका पूरकपूरकपूरकपूरक((((अअअअ0000)))) ूािधकार(cid:15) (cid:24)ारा ूकािशतूािधकार(cid:15) (cid:24)ारा ूकािशतूािधकार(cid:15) (cid:24)ारा ूकािशतूािधकार(cid:15) (cid:24)ारा ूकािशत

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वाणिज्य-कर विभाग

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अधिसूचनाएं

11 सितम्बर 2009

सं॰ कौन भी0-142/2008-265—श्री नन्द कुमार सिंहा, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, औरंगाबाद अंचल, औरंगाबाद को रक्सौल अंचल, रक्सौल के पदस्थापनकाल में विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-266—श्री महंथ बैठा, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, जमुई अंचल, जमुई को रक्सौल अंचल, रक्सौल के पदस्थापनकाल में विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-267—श्री आदित्य नारायण, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, मुंगेर अंचल, मुंगेर को भभुआ अंचल, भभुआ के पदस्थापनकाल में विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-268—श्री सुनील कुमार, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, भभुआ अंचल, भभुआ को विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-269—श्री अनिल कुमार, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, भभुआ अंचल, भभुआ को विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-270—श्री राजेष कुमार सिंहा, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, बाढ़ अंचल, बाढ़ को तेघड़ा अंचल, तेघड़ा के पदस्थापनकाल में विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी।14 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009 सं॰ कौन भी0-142/2008-271—श्री सत्येन्द्र प्रसाद सिंहा, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, नवादा अंचल, नवादा को विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-272—श्री अजीत कुमार, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, शाहाबाद अंचल, आरा को झंझारपुर अंचल, झंझारपुर के पदस्थापनकाल में विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-273—श्री सुरेन्द्र कुमार श्रीवास्तव, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, जमुई अंचल, जमुई को झंझारपुर अंचल, झंझारपुर के पदस्थापनकाल में विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-274—श्री रमेष कुमार दास, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, तेघड़ा अंचल, तेघड़ा को दलसिहसराय अंचल दलसिहसराय के पदस्थापनकाल में विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-275—श्री कृष्ण कान्त यादेवन्दू, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, बिहारषरीफ अंचल, बिहारषरीफ को दलसिहसराय अंचल दलसिहसराय के पदस्थापनकाल में विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-276—श्री रामकिषोर प्रसाद, कोषागार पदाधिकारी, बॉका को भभुआ अंचल, भभुआ के पदस्थापनकाल में विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-277—श्री बीरेन्द्र कुमार, कोषागार पदाधिकारी, भागलपुर को तेघड़ा अंचल, तेघड़ा के पदस्थापनकाल में विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने के लिए उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण पर सम्यक्‌ समीक्षोपरान्त सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी। सं॰ कौन भी0-142/2008-278—श्री शरद चन्द्र, वाणिज्य-कर पदाधिकारी, बिहारषरीफ अंचल, बिहारषरीफ को नवादा अंचल, नवादा के पदस्थापनकाल में विाीय वर्ष 2007-08 के निर्धारित राजस्व लक्ष्य की प्राप्ति एवं दायित्वों का निर्वहण नहीं करने एवं इस संबंध में विभाग द्वारा पुछे गये स्पष्टीकरण का जबाव नहीं देने के लिए इन्हें दोषी मानते हुए सरकार के निर्णयानुसार ''निन्दन'' की सजा दी जाती है, जिसकी प्रविष्टी उनके चरित्र पुस्ति के वर्ष 2007-08 मेें की जाएगी।

बिहार-राज्यपाल के आदेष से, षुभकीर्ति मजुमदार, वाणिज्य-कर आयुक्त-सह-प्रधान सचिव।15 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009

मानव संसाधन विकास विभाग

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अधिसूचनाएं

9 जून 2009

सं॰ 3/आ2-24/06/अंश-11 मा0/434—श्रीमती शांति देवी, तत्कालीन विद्यालय निरीक्षिका-सह-उप शिक्षा निदेशिका (मा0शिक्षा) बिहार, पटना सम्प्रति पुस्तकालय अधीक्षक, बिहार, पटना के विरूद्ध विभागीय संकल्प सं0 332, दिनांक 12 जून 2006 द्वारा संचालित विभगाीय कार्यवाही के संचालन पदाधिकारी विभागीय जाँच आयुक्त द्वारा समर्पित जाँच प्रतिवेदन की समीक्षोपरान्त सरकार ने प्रमाणित आरोप के आधार पर विभागीय अधिसूचना सं0 777, दिनांक 29 अगस्त 2008 द्वारा बिहार लोक सेवक (वर्गीकरण नियंत्रण एवं अपील) नियमावली 05 के नियम 14(iv) में वर्णित प्रावधान के अंतर्गत लघु दण्ड यथा 'तीन वर्षों से अनाधिक अवधि के लिए असंचयात्मक प्रभाव से कालमान वेतन के न्यूनतर प्रक्रम पर अवनति'' देने का निर्णय लिया था ।

2. उक्त अधिरोपित दण्ड के विरूद्ध आरोपी पदाधिकारी द्वारा पुनर्विचार अभ्यावेदन सरकार के समक्ष दायर किया गया । विभाग द्वारा पुनर्विचार अभ्यावेदन की समीक्षा की गई एवं विचारोपरान्त सरकार ने विभागीय अधिसूचना सं0 777, दिनांक 29 अगस्त 2008 द्वारा अधिरोपित दण्ड को विलोपित करते हुए श्रीमती शान्ति देवी, तत्कालीन विद्यालय निरीक्षिका-सह-उप शिक्षा निदेशिक (मा0शिक्षा) सम्प्रति पुस्तकालय अधीक्षक, बिहार को ''चेतावनी'8 की सजा देते हुए इस प्रकारण को समाप्त करने का निर्णय लिया है।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, अनिल कुमार वर्मा, निदेशक (प्र0)-सह-संयुक्त सचिव।

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7 सितम्बर 2009

सं॰ 3/आ2-24/06(खण्ड-II)-मा॰-858—श्रीमती नीता कुमारी पाण्डेय, प्राचार्य, जिला स्कूल, मुजफ्फरपुर के विरूद्ध जिला विद्यालय निरीक्ष्किा, सिंहभूम के पदस्थापन काल में उनके द्वारा निम्न अवर शिक्षा सेवा सम्वर्ग में सहायक शिक्षिकाओं की अवैध नियुक्ति किये जाने तथा उनके वेतन भुगतान में सरकारी राजस्व की क्षति होने के विभिन्न आरोपों के लिए सिविल सर्विसेज (क्लासिफिकेशन, कन्ट्रोल एवं अपील) नियमावली के नियम 55 के अंतर्गत विभागीय संकल्प संख्या 330, दिनांक 12 जून 2006 द्वारा उनके विरूद्ध विभागीय कार्यवाही प्रारंभ की गइ्र। विभागीय आदेश निर्गत ज्ञापांक 796, दिनांक 27 नवम्बर 2007 द्वारा उक्त विभागीय कार्यवाही में विभागीय जाँच आयुक्त, बिहार पटना को संचालन पदाधिकारी नियुक्त किया गया।

2. विभागीय जाँच आयुक्त द्वारा अपने पत्रांक 428, दिनांक 3 जून 2008 द्वारा जाँच प्रतिवेदन समर्पित किया गया, जिसमें श्रीमती पाण्डेय के विरूद्ध लगाये गये कुल छः आरोपों में से दो आरोप अंशतः तथा एक आरोप पूर्णतः प्रमाणित पाया गया।

3. विभागीय जाँच आयुक्त द्वारा समर्पित जाँच प्रतिवेदन के समीक्षोपरान्त सरकार द्वारा उक्त प्रमाणित आरोपों के लिए श्रीमती नीता पाण्डेय का पाँच वेतनवृद्धियाँ संचयात्मक प्रभाव से रोकने तथा भविष्य में महत्त्वपूर्ण पद पर पदस्थापित नहीं करने का बृहद्‌ दण्ड देने का दंड निर्धारित किया गया। तत्पश्चात्‌ निर्धारित दंड पर विभागीय पत्रांक 894, दिनांक 19 सितम्बर 2008 द्वारा श्रीमती पाण्डेय से द्वितीय कारणपृच्छा की गयी।

4. श्रीमती पाण्डेय द्वारा अपने पत्रांक T-3/13-10-2008 से कारणपृच्छा का प्रत्युत्तर समर्पित किया गया। प्राप्त द्वितीय कारणपृच्छा प्रत्युत्तर की समीक्षोपरानत सरकार द्वारा उनके द्वितीय कारणपृच्दा को अस्वीकार करते हुए दण्ड को बरकरार रखा गया। तत्पश्चात्‌ कार्मिक एवं प्रशासनिक सुधार विभाग, बिहार पटना के पत्रांक 2609 दिनांक 13 सितम्बर 2006 के आलोक में निर्धारित दण्ड के प्रस्ताव पर विभागीय पत्रांक 134, दिनांक 3 मार्च 2009 द्वारा बिहार लोक सेवा आयोग, पटना से परामर्श मांगी गई।

5. बिहार लोक सेवा आयोग के पत्रांक 845, दिनांक 16 जुलाई 2009 द्वारा विभगीय प्रस्ताव पर अपनी सहमति प्रदान की गयी। अतः उपरोक्त के आधार पर श्रीमती पाण्डेय, तत्कालीन जिला विद्यालय निरीक्ष्किा, सिंहभूम सम्प्रति प्राचार्य, जिला स्कूल, मुजफ्फरपुर के विरूद्ध संचालित विभागीय कार्यवाही में प्रमाणित आरोप पर सरकार द्वारा श्रीमती पाण्डेय को बिहार सरकारी सेवक (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियमावली 2005 के नियम-14(6) में वर्णित प्रावधान के अंतर्गत बृहद दंड में पाँच वेतनवृद्धियाँ संचयात्मक प्रभाव से रोकने तथा भविष्य में किसी महत्त्वपूर्ण पद पर पदस्थापित नहीं करने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही विभागीय कार्यवाही को समाप्त किया जाता है।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, अनिल कुमार वर्मा, निदेशक (प्र0)-सह-संयुक्त सचिव।16 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009 7 सितम्बर 2009 सं॰ 3/आ2-94/99-मा0-859—श्री नागेन्द्र नाथ, सेवानिवृत उप निदेशक, राज्य शिक्षा शोध एवं प्रशिक्षण परिषद्‌, महेन्द्रू, पटना को उप निदेशक, शोध एवं प्रशिक्षण, बिहार, पटना के कार्यालय में अराजकीय एच0 महमूद शिक्षण प्रशिक्षण महाविद्यालय, मुजफ्फरपुर के संदर्भ में उनके द्वारा अस्तितवहीन महाविद्यालय की प्रस्वीकृति में सरकारी आदेश की अनदेखी कर गलत अनुशंसा देने संबंधी तीन आरोपों के लिए उनके विरूद्ध विभागीय संकल्प संख्या 897, दिनांक 3 अक्तूबर 2002 के द्वारा विभागीय कार्यवाही प्रारंभ की गयी। नियुक्त जाँच एवं संचालन पदाधिकारी द्वारा उनके सेवानिवृति की तिथि तक जाँच प्रतिवेदन उपलब्ध नहीं करायी गयी। फलस्वरूप श्री नाथ के दिनांक 30 जून 2007 को सेवानिवृति के पश्चात्‌ विभागीय संकल्प सं0 897 दिनांक 3 अक्तूबर 2002 से संचालित विभागीय कार्यवाही विभागीय आदेश सं0 769, दिनांक 14 नवम्बर 07 द्वारा बिहार पेंशन नियमावली, 1950 के नियम-43(बी) के अन्तर्गत सम्परितत्तित किया गया। 2. संचालित विभागीय कार्यवाही में जाँच एवं संचालन पदाधिकारी उप सचिव, मानव संसाधन विकास विभाग, बिहार, पटना के जाँच प्रतिवेदन दिनांक 12 जून 2008 में श्री नाथ के विरूद्ध लगाये गये दो आरोप को प्रमाणित पाया गया। 3. जाँच प्रतिवेदन के समीक्षोपरान्त सरकार द्वारा बृहद दण्ड के रूप में उनके पेंशन से 20 प्रतिशत की राशि की कटौती का दण्ड निर्धारित कर द्वितीय कारणपृच्छा पूछने एवं बिहार लोक सेवा आयोग से सहमति प्राप्त करने का आदेश दिया गया। 4. सरकार द्वारा निर्धारित दण्ड के आलोक में विभागीय पत्रांक 685, दिनांक 30 जुलाई 2008 के द्वारा श्री नाथ से द्वितीय कारण पृच्छा पूछा गया । 5. आरोपी श्री नाथ द्वारा पत्रांक1(निजी) दिनांक 13 अगस्त 2008 को द्वितीय कारण पृच्छा समर्पित किया गया । आरोपी के द्वितीय कारण पृच्छा प्रत्युत के समीक्षोपरान्त सरकार द्वारा अस्वीकृत करते हुए श्री नाथ के विरूद्ध पेंशन की राशि से 20 प्रतिशत की कटौती संबंधी निर्धारित दण्ड को बरकरार रखा गया। 6. तत्पश्चात्‌ कार्मिक एवं प्रशासनिक सुधार विभाग के पत्रांक 2609, दिनांक 13 सितम्बर 2006 के आलोक में आरोपी पदाधिकारी के विरूद्ध अधिरोपित बृहद्‌ दण्ड पेंशन से 20 प्रतिशत की राशि की कटौती पर विभागीय पत्रांक 911, दिनांक 25 सितम्बर 2008 के द्वारा बिहार लोक सेवा आयोग से सहमति मांगी गयी। 7. बिहार लोक सेवा आयोग के पत्रांक 745, दिनांक 7 जुलाई 2009 के द्वारा श्री नाथ के पेंशन से 20 प्रतिशत (बीस प्रतिशत) की राशि की कटौती के अधिरोपित दण्ड में आयोग द्वारा अपनी सहमति प्रदान की गयी। 8. उपरोक्त तथ्यों के आधार पर आरोपी के विरूद्ध संचालित विभागीय कार्यवाही में प्रमाणित आरोपों के लिए श्री नागेन्द्र नाथ, तत्कातीन उप निदेशक, राज्य शिक्षा शोध एवं प्रशिक्षण परिषद्‌, महेन्द्रू, पटना सम्प्रति सेवानिवृत पदाधिकारी को बिहार पेंशन नियमावली 1950 के नियम 43(बी) के तहत सरकार ने उनके पेंशन की राशि से 20 प्रतिशत की राशि की कटौती का निर्णय लिया है। यह निर्णय अधिसूचना निर्गत होने की तिथि से प्रभावी होगा।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, अनिल कुमार वर्मा, निदेशक (प्र0)-सह-संयुक्त सचिव।

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गृह (विशेष) विभाग

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अधिसूचनाएं

16 सितम्बर 2009

सं॰ के/कारा-रा0प0-26/08/7409—श्री घनश्याम राम, अधीक्षक, मंडल कारा, सहरसा पर पूर्व में अधीक्षक, मंडल कारा, आरा एवं सीतामढ़ी के पद पर पदस्थापन के दौरान संबंधित कारा पर समुचित प्रशासनिक नियंत्रण नहीं रखने, कर्त्तव्य निर्वहन में लापरवाही बरतने एवं सक्षम पदाधिकारी की अनुमति के बिना कारा वाहन के साथ अपने मुख्यालय से अनाधिकृत रूप से अनुपस्थित रहने संबंधी कारा महानिरीक्षक द्वारा प्रतिवेदित आरोपों (आरोप पत्र संलग्न) की जाँच के लिए विभागीय कार्यवाही प्रारंम्भ की जाती है।

2. विभागीय कार्यवाही के संचालन हेतु प्रमंडलीय आयुक्त, पटना को संचालन पदाधिकारी एवं सहायक कारा

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, मो0 सउद, उप-सचिव।17 (cid:18)बहार गजट, 30 िसत)बर 2009 16 सितम्बर 2009 सं॰ के/कारा-रा0प0-14/08/7410—श्री दिलिप कुमार सिंह, अधीक्षक, मंडल कारा, जहानाबाद पर पूर्व में अधीक्षक, आदर्श केन्द्रीय कारा, बेउर, पटना के पद पर पदस्थापन के दौरान कत्र्तव्य निर्वहन में लापरवाही बरतने, कारा पर समुचित प्रशासनिक नियंत्रण नहीं रखने तथा सरकारी आवास में नहीं रहने संबंधी कारा महानिरीक्षक द्वारा प्रतिवेदित आरोपों (पूरक आरोप पत्र एवं साक्ष्य संलग्न) की जांच विभागीय अधिसूचना सं0-11481, दिनांक 2 दिसम्बर 2008 द्वारा संचालित विभागीय कार्यवाही एवं नियुक्त जांच प्राधिकार द्वारा कराने की स्वीकृति प्रदान की जाती है। 2. शेष शर्त्तें यथावत रहेगी।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, मो0 सउद, उप-सचिव।

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16 सितम्बर 2009

सं॰ के/कारा-रा0प0-25/08/7411—श्री देवेन्द्र प्रसाद अधीक्षक, मंडल कारा, आरा पर पूर्व में अधीक्षक, मंडल कारा, सहरसा के पद पर पदस्थापन के दौरान अनाधिकृत रूप से अनुपस्थित रहने संबंधी कारा महानिरीक्षक द्वारा प्रतिवेदित आरोपों (पूरक आरोप पत्र एवं साक्ष्य संलग्न) की जांच विभागीय अधिसूचना सं0-8544, दिनांक 14 अगस्त 2008 द्वारा संचालित विभागीय कार्यवाही एवं नियुक्त जांच प्राधिकार द्वारा कराने की स्वीकृति प्रदान की जाती है। 2. शेष शर्त्तें यथावत रहेगी।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, मो0 सउद, उप-सचिव।

———— अधीKक, सिचवालय मुिणालय,

(cid:18)बहार, पटना (cid:24)ारा ूकािशत एवं मुQित।

(cid:18)बहार गजट, 28-571+30-ड(cid:15)0ट(cid:15)0पी0।

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Cite this issue. Bihar Gazette, Government of Bihar, 30 September 2009. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gov.bih.gazette.2009-09-30.37/. Archive identifier in.gov.bih.gazette.2009-09-30.37.