Servants of Knowledge
Bihar Gazette · Government of Bihar

Bihar Gazette, 06 June 2011

Published 06 June 2011

Type
Extra Ordinary
Identifier
in.gov.bih.gazette.2011-06-06.261
Languages
English, Hindi

िनबंधन सं(cid:8)या पी0ट(cid:15)0-40 (cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार गजटगजटगजटगजट

असाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंक (cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत 11116666 ये ये ये येंठंठंठंठ 1933193319331933 ((((शशशश0000))))

((((संसंसंसं0000 पपपपटना टना टना टना 222266661111) ) ) ) पपपपटनाटनाटनाटना,,,, सोमवारसोमवारसोमवारसोमवार,,,, 6666 जून जून जून जून 2011201120112011 सं॰ 5/सह॰/फ॰बी॰28/11-2204 सहकारिता विभाग ——— संकल्प 11 ebZ 2011 बीमा योजना राज्य के 7 (सात) जिलों में पायलट योजना के विषय : खरीफ, 2011 के लिए मौसम आधारित फसल बीमा योजना राज्य के 7 (सात) जिलों में पायलट योजना के विषय : खरीफ, 2011 के लिए मौसम आधारित फसल बीमा योजना राज्य के 7 (सात) जिलों में पायलट योजना के बीमा योजना राज्य के 7 (सात) जिलों में पायलट योजना के विषय : खरीफ, 2011 के लिए मौसम आधारित फसल विषय : खरीफ, 2011 के लिए मौसम आधारित फसल

रूप में लागू करने की स्वीकृति । रूप में लागू करने की स्वीकृति । रूप में लागू करने की स्वीकृति । रूप में लागू करने की स्वीकृति ।

भारत सरकार कृषि मंत्रालय कृषि एवं सहकारिता विभाग, नई दिल्ली के पत्रांक 13011/01/2008 क्रेडिट II दिनांक 10 मार्च 2011 तथा इस क्रम में राष्ट्रीय कृषि बीमा योजना के अनुश्रवण हेतु गठित राज्य स्तरीय समन्वय समिति की दिनांक 8 अप्रील 2011 को आयोजित बैठक में लिये गये निर्णय एवं एग्रीकल्चर इंष्योरेंस कंपनी ऑफ इंडिया लि॰, पटना के पत्रांक-65 दिनांक 5 मई 2011 के आलोक में राज्य सरकार ने मौसम आधारित फसल बीमा योजना राज्य के निम्नांकित जिला/अंचलों में पायलट योजना के रूप में खरीफ 2011 मौसम में लागू करने का निर्णय लिया है, जिसका कार्यान्वयन एग्रीकल्चर इंष्योरेंस कंपनी ऑफ इंडिया के द्वारा किया जायेगा :-

क्रमक्रमक्रमक्रम चयनित फसल का नाम चयनित जिला का नाम क्षेत्रक्षेत्रक्षेत्रक्षेत्र
1. अगहनी-धान एवं भदई-मकई पटना, नालंदा, नवादा, औरंगाबाद, रोहतास, गया एवं कैमूर सम्पूर्ण जिला। अंचल के साथ मौसम केन्द्र की सूची संलग्न है।

2. इस योजना का कार्यान्वयन भारत सरकार द्वारा निर्गत मार्ग निर्देशिका में अंकित विहित शर्तों के तहत किया जाएगा । उक्त योजना की निम्नांकित शर्तें उल्लेखनीय है -

(i) धान तथा मक्का दोनों फसलों हेतु बीमित राषि 20,000.00 (बीस हजार) रुपये प्रति हेक्टेयर होगी।

(ii) इस योजना के लिए चयनित दोनों फसलों हेतु प्रीमियम की दर बीमित राषि की 10 प्रतिशत होगी।(cid:18)बहार गजट (असाधारण), 6 जून 2011 2 (iii) उक्त प्रीमियम दर में 2॰5 प्रतिशत प्रीमियम की राशि संबंधित कृषक द्वारा वहन किया जाएगा, तथा प्रीमियम की अवशेष राशि अनुदान के रूप में 50ः50 के अनुपात में केन्द्र सरकार एवं राज्य सरकार द्वारा वहन की जाएगी।

(iv) बीमित राशि एवं मौसम संबंधी आंकड़ों के आधार पर क्षतिपूर्ति की राशि की गणना एवं भुगतान पूर्णतः एग्रीकल्चर इंश्योेरेंस कम्पनी ऑफ इंडिया लि॰, पटना द्वारा किया जाएगा।

(v) इस योजना के कार्यान्वयन के फलस्वरूप योजना के लिए चयनित जिलों/अंचलों में उक्त फसलों हेतु ऋणी कृषकों के लिए राष्ट्रीय कृषि बीमा योजना का कार्यान्वयन स्थगित रहेगा। किन्तु फसल कटनी प्रयोग यथावत किया जायेगा।

(vi) ऋणी कृषकों हेतु यह योजना अनिवार्य है जबकि गैर ऋणी कृषकों के लिए यह योजना स्वैच्छिक है। गैर ऋणी कृषक राष्ट्रीय कृषि बीमा योजना या पायलट मौसम आधारित फसल बीमा योजना में से किसी एक योजना का चयन कर सकते हैं। इस योजना के तहत ऋणी कृषक से आशय उन कृषकों से है जिनका बैंकों द्वारा साख सीमा 31 जुलाई 2011 तक स्वीकृत कर दिया जाता है। उक्त कृषकों का बीमा बैंकों को कंडिका-(VII) में दिये गये समय के अनुसार अनिवार्य रूप से करना है।

(vii) ऋणी कृषक अपनी फसलों का बीमा 31 जुलाई 2011 तक निकट के केन्द्रीय सहकारी बैंक/क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक/वाणिज्यिक बैंक की शाखाओं के माध्यम से करा सकेंगे। एतद संबंधी घोषणा पत्र प्रीमियम की राशि के साथ बैंकों द्वारा बीमा कम्पनी को 31 अगस्त 2011 तक निश्चित रूप से प्राप्त करा दी जाएगी ।

(viii) गैर ऋणी कृषक अगहनी धान एवं भदई-मकई फसल का बीमा दिनांक 30 जून 2011 तक निकट के केन्द्रीय सहकारी बैंक/क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक/वाणिज्यिक बैंक की शाखाओं के माध्यम से करा सकेंगे। बीमा से संबंधित घोषणा पत्र एवं प्रीमियम की राषि आदि धान एवं भदई-मकई फसल हेतु दिनांक 15 जुलाई 2011 तक निश्चित रूप से बीमा कम्पनी को प्राप्त करा देना है। इसके अतिरिक्त इंष्योरेन्स इंटरमीडियरिज एवं बीमा कंपनी द्वारा प्राधिकृत प्रतिनिधि भी गैर ऋणी कृषकों का बीमा निर्धारित प्रक्रियाओं के तहत कर सकेंगे। योजना के तहत्‌ पैक्स गैर ऋणी कृषकों का बीमा नहीं करेंगें।

(IX) बीमित फसलों के लिए जोख्बिीमित फसलों के लिए जोख्बिीमित फसलों के लिए जोख्बिीमित फसलों के लिए जोखिम निम्न प्रकार होगी :-ाम निम्न प्रकार होगी :-ाम निम्न प्रकार होगी :-ाम निम्न प्रकार होगी :-

(क)(क)(क)(क) अनावृष्टि अनावृष्टि अनावृष्टि अनावृष्टि (ख) अतिवृष्टि (ख) अतिवृष्टि (ख) अतिवृष्टि (ख) अतिवृष्टि (ग) असामान्य वर्षापात(ग) असामान्य वर्षापात(ग) असामान्य वर्षापात(ग) असामान्य वर्षापात

इस योजना के तहत उपर्युक्त कारणों से बीमित फसलों की क्षति होने पर कृषकों को क्षतिपूर्ति भुगतान करने का प्रावधान है। इसके लिए जोखिम, जोखिम की अवधि, देय क्षतिपूर्ति की गणना आदि की जानकारी एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कम्पनी ऑफ इंडिया लि., पटना द्वारा तैयार की गयी सारिणी (अनुलग्नक-1) के आधार पर किया जाएगा।

(x) बैंकों द्वारा कुल जमा की गयी प्रीमियम की राशि का 5 प्रतिशत बैंक सेवा शुल्क के रूप में सम्बंधित बैंकों को बीमा कंपनी द्वारा भुगतान किया जायेगा।

गैर ऋणी कृषकों की फसलों का बीमा करने से पूर्व बैंकों को निम्नांकित बातों का अनुपालन 3333.... गैर ऋणी कृषकों की फसलों का बीमा करने से पूर्व बैंकों को निम्नांकित बातों का अनुपालन गैर ऋणी कृषकों की फसलों का बीमा करने से पूर्व बैंकों को निम्नांकित बातों का अनुपालन गैर ऋणी कृषकों की फसलों का बीमा करने से पूर्व बैंकों को निम्नांकित बातों का अनुपालन आवष्यक होगा :-आवष्यक होगा :-आवष्यक होगा :-आवष्यक होगा :-

(क) कृषक का प्रस्ताव पत्र पूर्णतः भरा गया हो।

(ख) कृषक का बचत खाता बैंक में संधारित हो।

(ग) किसान के प्रस्ताव पत्र के साथ अंचल कार्यालय से निर्गत भू-स्वामित्व प्रमाण पत्र की अभिप्रमाणित छायाप्रति (राजपत्रित पदाधिकारी से) संलग्न की गई है। एतद्‌ संबंधी प्रमाण पत्र यदि परिवार के मुखिया के नाम से निर्गत है तो उसमें बीमित कृषक का हिस्सा स्पष्ट किया गया हो।

4. इस योजना का कार्यान्वयन एग्रीकल्चर इंश्योरेंस कम्पनी ऑफ इंडिया लि॰, पटना के माध्यम से किया जा सकेगा, साथ ही योजना के कार्यान्वयन के संबंध में बीमा कम्पनी समय समय पर राज्य सरकार के परामर्श से स्पष्टीकरण निर्गत कर सकेगी।

5. बीमा कंपनी प्रत्येक दिन का न्यूनतम एवं अधिकतम तापमान, वर्षापात आदि के आंकडे अपने वेबसाईट पर उपलब्ध करायेंगी तथा इसका प्रचार-प्रसार भी बीमा कंपनी करेंगी। प्रत्येक पन्द्रह दिन पर एतद्‌ संबंधी आंकड़े3 (cid:18)बहार गजट (असाधारण), 6 जून 2011 बीमा कंपनियाँ ई-मेल के माध्यम से संबंधित जिलाधिकारी, कृषि विभाग, बिहार, पटना एवं सहकारिता विभाग को उपलब्ध करायेंगी।

6. इस योजना में प्रीमियम अनुदान के रूप में राज्य सरकार केे हिस्से के भुगतान हेतु स्वीकृत्यादेश अलग से निर्गत किया जायेगा ।

fcgkj&jkTiky ds vkns'k ls]

yyu jk;]

ljdkj ds fo'ks"k dk;Z inkf/kdkjh≶&mi&lfpoA

————

अधी.क, सिचवालय मुिणालय,

(cid:18)बहार, पटना (cid:26)ारा ूकािशत एवं मु4ित।

(cid:18)बहार गजट (असाधारण) 261-571+10-ड(cid:15)0ट(cid:15)0पी0।

Website: http://egazette.bih.nic.in

Cite this issue. Bihar Gazette, Government of Bihar, 06 June 2011. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gov.bih.gazette.2011-06-06.261/. Archive identifier in.gov.bih.gazette.2011-06-06.261.