(cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार गजटगजटगजटगजट
असाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंक (cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत 12121212 माघमाघमाघमाघ 1111933933933933 ((((शशशश0000))))
((((संसंसंसं0000 पपपपटना टना टना टना 45454545) ) ) ) पपपपटनाटनाटनाटना,,,, बुधबुधबुधबुधवारवारवारवार,,,, 1111 फरफरफरफरवर(cid:15) वर(cid:15) वर(cid:15) वर(cid:15) 2012201220122012 जल संसाधन विभाग ------- अधिसूचना 9 जनवरी 2012
सं0 22/नि0सि0(मोति0)-08-02/2007/15—अन्वेषण एवं योजना प्रमंडल, गाडा, बेतिया से संबंधित उड़नदस्ता जॉच प्रतिवेदन दिनांक 19.3.07 में उल्लिखित अनियमितताओं के संबंध में विभागीय पत्रांक 20, दिनांक 07.01.09 द्वारा श्री विजय कुमार श्रीवास्तव, तत् कार्य0 अभियंता अन्वेषण एवं योजना प्रमंडल गाडा बेतिया से प्राप्त जबाव दिनांक 10.2.09 की समीक्षोपरांत की श्रीवास्तव के विरुद्ध बिहार सरकारी सेवक वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील नियमावली 2005 के नियम 17 के अन्तर्गत निम्नांकित आरोपों के लिए विभागीय संकल्प सं0 371, दिनांक 25.8.10 द्वारा विभागीय कार्यवाही प्रारम्भ की गई।
आरोप-(1) वर्ष 2005-06 में निर्मित प्रक्का प्रणाल के तीन अदद् प्रणालियों के एकत्रित नमूनो की जॉच विशिष्ट से कम पाया गया।
(2) वर्ष 2006-07 में निर्मित प्रक्का प्रणाल क्षेत्र की तीन अदद् प्रणालियों के नमूनों की जॉच में लक्ष्मीपुर पर निर्मित पक्का नाले के ईंट जोड़ाई में प्रयुक्त सीमेंट मोर्टार विशिष्टि के अनुरूप नही पाया गया। उक्त विभागीय कार्यवाही के संचालन पदाधिकारी से प्राप्त जॉच प्रतिवेदन में श्रीवास्तव के विरुद्ध ''आरोप प्रमाणित नहीं माना जा सकता है'' का निष्कर्ष अंकित किया गया। इस जॉच प्रतिवेदन की समीक्षा की गई और पाया गया कि जॉच पदा0 के द्वारा आरोपित पदा0 के यह कहने पर कि ''नमूने का संग्रह उनके द्वारा संपादित कराये गये कार्य से संबंधित नही है'' के आधार पर प्रमाणित नही माना गया है जिसे सरकार द्वारा अमान्य करार दिया गया है। अतः श्रीवास्तव के विरुद्ध आरोपों को प्रमाणित मानते हुए दंड दिये जाने का निर्णय लिया गया। दंड संसूचन पूर्व श्री श्रीवास्तव से जॉच प्रतिवेदन से असहमति के निम्नांकित बिन्दु :- ''जॉच पदाधिकारी द्वारा आपके द्वारा दिये गये वचाव बयान में उल्लिखित तथ्य कि उनके कार्यक्षेत्र से नमूनों के संग्रह न किये जाने एवं उसके एवज में साक्ष्य के रूप में जल उपभोक्ता समिति के अध्यक्ष से दिये गये प्रतिवेदन के आधार पर आरोप को प्रमाणित नही माना गया है जबकि ऐसे प्रतिवेदन कोई मान्य नहीं है।'' पर द्वितीय कारण पृच्छा पत्रांक 1168, दिनांक 14.09.11 द्वारा की गई। 2 (cid:18)बहार गजट (असाधारण), 1 फरojh 2012 दूसरे आरोप के संबंध में आरोपित पदा0 द्वारा कहा गया कि जिस स्थल से नमूना लिया गया है वह भाग उनके द्वारा कराये गये कार्य के अन्तर्गत नही आता है साथ ही उनके द्वारा कराये गये वर्ष 2006-07 का दो अन्य कार्य विशिष्टि के अनुरूप पाया गया। आरोपित पदा0 द्वारा यह भी कहा गया कि विभागीय पत्रांक 375, दिनांक 15.5.08 जो निविदा के माध्यम से कराये जाने वाले कार्यो के संबंध में जारी दिशानिर्देश के प्रभावी होने तथा नमूना लिये गये स्थल उनके द्वारा कराये गये कार्य के अन्तर्गत नही होने के कारण यह आरोप नही बनता है।
द्वितीय कारण पृच्छा के जबाव की समीक्षा में श्री श्रीवास्तव के विरुद्ध लक्ष्मीपुर वितरणी के पक्के नाले का आरोप प्रमाणित पाया गया जिसके लिए श्री श्रीवास्तव को निम्न दंड संसूचित किये जाने का निर्णय सरकार द्वारा लिया गया है :-
1. चेतावनी। 2. एक वेतन-वृद्धि पर असंचयात्मक प्रभाव से रोक। तदनुसार उक्त निर्णय श्री विजय कुमार श्रीवास्तव तत्कालीन कार्य0 अभियंता अन्वेषण एवं योजना प्रमंडल, गाडा, बेतिया सम्प्रति कार्य0 अभि0 यो0 एवं मो0 प्रमंडल सं0-6, जल संसाधन विभाग पटना को संसूचित किया जाता है।
बिहार-राज्यपाल के आदेश से, भरत झा, सरकार के उप-सचिव।
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अधी+क, सिचवालय मुिणालय, (cid:18)बहार, पटना (cid:26)ारा ूकािशत एवं मु0ित। (cid:18)बहार गजट (असाधारण) 45-571+10-ड(cid:15)0ट(cid:15)0पी0।