(cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार गजटगजटगजटगजट
असाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंक (cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत 12121212 पौषपौषपौषपौष 1111934934934934 ((((शशशश0000))))
((((संसंसंसं0000 पपपपटना टना टना टना 47474747) ) ) ) पपपपटनाटनाटनाटना,,,, बुधबुधबुधबुधवारवारवारवार,,,, 2 2 2 2 जनवर(cid:15)जनवर(cid:15)जनवर(cid:15)जनवर(cid:15) 2013201320132013 जल संसाधन विभाग
-------
vf/klwpuk
4 दिसम्बर 2012
सं0 22/नि0सि0(मुज0)-06-12/2011/1336—श्री बासुकीनाथ प्रसाद, अधीक्षण अभियन्ता, तिरहुत नहर अंचल, मुजफ्फरपुर द्वारा तिरहुुत नहर प्रमण्डल सं0-1, मुजफ्फरपुर के जैतपुर शाखा नहर के वि0दू0-14.00 एवं तिरहुत नहर प्रमण्डल, रतवारा, मुजफ्फरपर के तिरहुत मुख्य नहर के वि0दू0-722.00 पर हुए टुटान पर सूचना स-समय विभाग को नहीं दी गई। उक्त टुटान की सूचना विभाग को समाचार पत्रों के माध्यम से प्राप्त हुआ। टुटान की सूचना विभाग को नहीं देने, टुटान को रोकने का कोई ठोस प्रयास नहीं करने एवं उक्त कार्य में लापरवाही एवं शिथिलता बरतने से संबंधित आरोपों के लिए श्री प्रसाद अधीक्षण अभियन्ता, तिरहुत नहर अंचल मुजफ्फरपुर से विभागीय पत्रांक 105 दिनांक 30.1.12 द्वारा स्पष्टीकरण की मांग की गई।
श्री प्रसाद अधीक्षण अभियन्ता से प्राप्त स्पष्टीकरण की समीक्षा सरकार के स्तर पर की गई। समीक्षा में पाया गया कि श्री प्रसाद अधीक्षण अभियन्ता द्वारा अपना स्पष्टीकरण में मुख्य रूप से कहा गया है कि जैतपुर शाखा नहर वि0दू0 14.00 का टुटान दिनांक 21.9.11 को हुआ एवं तिरहुत मुख्य नहर पर टुटान दिनांक 22.9.11 को हुआ। दिनांक 22.9.11 को सुबह में कार्यपालक अभियंता द्वारा सूचना प्राप्त होते ही कार्य स्थल पर प्रस्थान करने/ कैम्प कर 22.09. 2011 को ही टूटान को दुरूस्त कराकर स्थल से ही दूरभाष एवं वेतार संवाद से मुख्यालय एवं मुख्य अभियंता कार्यालय को सूचित किया गया। 2 (cid:18)बहार गजट (असाधारण), 2 जनवर(cid:15) 2013 जैतपुर शाखा नहर का टूटान दिनांक 21.9.11 होने के बावजूद इसकी सूचना दिनांक 22.9.11 को दी गई। वर्ण्ाित स्थिति में श्री प्रसाद अधीक्षण अभियन्ता के विरूद्व कार्य में शिथिलता एवं लापरवाही बरतने तथा अपने अधीनस्थों पर नियंत्रण नहीं रखने का आरोप प्रमाणित पाया गया है।
उक्त प्रमाणित आरोपों के लिए श्री प्रसाद अधीक्षण अभियन्ता, मुजफ्फरपुर को निन्न दण्ड देने का निर्णय लिया गया है।
1. एक वेतनवृद्वि पर असंचयात्मक प्रभाव से रोक।
तदनुसार उक्त निर्णय के आलोक में श्री प्रसाद अधीक्षण अभियन्ता, को एक वेतनवृद्वि पर असंचयात्मक प्रभाव से रोक का दण्ड देते हुए यह दण्डादेश उन्हें संसूचित किया जाता है।
बिहार-राज्यपाल के आदेश से,
भरत झा,
सरकार के उप-सचिव।
————— अधी*क, सिचवालय मुिणालय, (cid:18)बहार, पटना (cid:26)ारा ूकािशत एवं मु0ित। (cid:18)बहार गजट (असाधारण) 47-571+10-ड(cid:15)0ट(cid:15)0पी0। Website: http://egazette.bih.nic.in