िनबंधन सं(cid:8)या पी0ट(cid:15)0-40 (cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार गजटगजटगजटगजट
असाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंक (cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत 14141414 अमहायणअमहायणअमहायणअमहायण 1111935935935935 ((((शशशश0000)))) ((((संसंसंसं0000 पपपपटना टना टना टना 882882882882) ) ) ) पपपपटनाटनाटनाटना,,,, वृहःपवृहःपवृहःपवृहःपितितितितवारवारवारवार,,,, 5555 +दस+दस+दस+दस-ब-ब-ब-बरररर 2013201320132013 गन्ना उद्योग विभाग ------- आदेश 25 अक्तूबर 2013
सं0 2120—गजट संख्या अ॰ग॰-710 दिनांक 15.10.2010 के माध्यम से प्रकाषित आदेष संख्या 1421 दिनांक 17.08.2010 के द्वारा पष्चिम चम्पारण जिला अंतर्गत धनहा क्षेत्र के ठकरहाँ अंचल के 9 ग्राम एवं भितहाँ अंचल के 15 ग्राम कुल 24 ग्रामो के पेराई सत्र 2010-11 से आगे के चार वर्षो के लिए मेसर्स हरिनगर सुगर मिल्स लि॰, हरिनगर प॰ चम्पारण के साथ एवं आदेष संख्या 1414 दिनांक 17.08.2010 के माध्यम से धनहा क्षेत्र के अंतर्गत मधुबनी, पिपरासी एवं भितहाँ अंचल के 56 ग्रामों को तिरुपति सुगर्स लि॰, बगहा के साथ पेराई सत्र 2010-11 से आगे के 4 वर्षो के लिए बिहार ईख(आपूर्ति एवं खरीद का विनियमन) अधिनियम 1981 की धारा-31 (1) के अंतर्गत आरक्षित किये गये थे।
विभागीय आदेष संख्या 1414 दिनांक 17.08.2010 के अनुपालन में तिरुपति सुगर्स लि॰ बगहा द्वारा पेराई सत्र 2010-11, 2011-12 एवं 2012-13 में क्रमषः 2.57 लाख क्वीं॰ 3.83 लाख क्वीं॰ एवं 7.63 लाख क्वीं॰ गन्ने की खरीद क्रय केंद्र स्थापित कर की गयी है। परन्तु आदेष संख्या 1421 दिनांक 17.08.2010 के अनुपालन में मे॰ हरिनगर चीनी मिल्स, हरिनगर द्वारा गन्ने की खरीद विगत तीन वर्षो में नहीं की गयी और न ही कोई पथ क्रय केंद्र ही स्थापित किया गया। जिसके कारण धनहा क्षेत्र के गन्ना उत्पादक कृषकों एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा भी इस संबंध में असंतोष जाहिर किया गया। कृषकों के गन्ने की सामयिक खपत हेतु तत्कालिन ईखायुक्त, बिहार द्वारा क्षेत्र भ्रमण एवं किसानों से पूछताछ के उपरांत सभी बिन्दुओं पर सम्यक विचारोपरांत विभागीय आदेष 1421 दिनांक 17.08.2010 में आंषिक संषोधन करते हुए पेराई सत्र 2011-12 एवं 2012-13 में गंडक नदी के पार धनहा क्षेत्र के 12 ग्रामों को मुक्त कर समीपवर्ती राज्य उार प्रदेष के हाटा चीनी मिल कोे हाटा चीनी मिल को पथ क्रय केंद्र स्थापित कर गन्ना खरीद करने की स्वीकृति दी गयी थी।
पेराई सत्र 2013-14 हेतु मे॰ हरिनगर चीनी मिल, हरिनगर, प॰ चम्पारण द्वारा धनहा के कुल 24 ग्राम जो उन्हें आदेष संख्या 1421 दिनांक 17.08.2010 के द्वारा दिये गये थे, जिनमें गत् पेराई सत्र तक गंडक पार के 12 ग्राम जो मुक्त थे, में भी तीन पथ क्रय केंद्र लगाकर गन्ना खरीद करने का प्रस्ताव दिया गया है।
मे॰ तिरुपति सुगर लि॰ बगहा द्वारा भी पेराई सत्र 2013-14 के लिए धनहा क्षेत्र के 24 ग्रामों जिसमें गंड़क पार के गत् वर्ष मुक्त किये गये 12 ग्राम भी सम्मिलित है, को अपने पक्ष में आरक्षित कर तीन पथ क्रय केंद्र स्थापित कर गन्ना क्रय करने का प्रस्ताव दिया है।2 (cid:18)बहार गजट (असाधारण), 5 +दस-बर 2013 दिनांक 25.10.2013 को पथ क्रय केंद्र आवंटन हेतु सुनवाई में उपस्थित हरिनगर एवं बगहा चीनी मिल के प्रतिनिधियों को धनहा क्षेत्र के विगत् 3 वर्षो में किए गन्ने उठाव की स्थिति स्पष्ट करने को कहा गया। मे॰ हरिनगर चीनी मिल के प्रतिनिधि द्वारा बताया गया कि उनका 24 में से 12 आरक्षित गाँव नदी के उस पार स्थित है। जहाँ से विगत 3 वर्षो से गन्ने का उठाव नहीं किया गया है तथा कोई पथ क्रय केंद्र भी स्थापित नहीं किया गया। उनके द्वारा यह बताया गया कि अब रतवल-धनहा पुल बन गया है, जिससे उनके द्वारा उक्त ग्रामों से गन्ना मिल में लाया जाएगा एवं उन ग्रामों में उनके मिल द्वारा विकास के कार्य भी कराए जाएंगें। मिल प्रतिनिधि द्वारा यह भी बताया गया कि ये क्षेत्र उनको 2014-15 तक आरक्षित है।
बगहा चीनी मिल के प्रतिनिधि द्वारा यह बताया गया कि विभागीय आदेष संख्या 1414 दिनांक 17.08.2010 के अनुपालन में पेराई वर्ष 2010-11 में 6 क्रय केंद्रों का स्थापना कर 2.57 लाख क्वीं॰, 2011-12 एवं 2012-13 में 9 पथ क्रय केंद्र स्थापित कर क्रमषः 3.83 लाख एवं 7.63 लाख क्वीं॰, गन्ने की खरीद की गई है। इस क्षेत्र में मिल द्वारा गन्ना विकास कार्य कराए जाने के कारण गन्ने की आपूर्ति में प्रतिवर्ष उपरोार वृद्वि हुई है। आगामी पेराई सत्र 2013-14 में पूर्व में धनहा क्षेत्र में संचालित 9 पथ क्रय केंद्रों के अतिरिक्त 3 नए पथ क्रय केंद्र (कुल 12 क्रय केंद्र) स्थापित करने के प्रस्ताव दिए गये है।
उनके द्वारा आगे बताया गया कि नदी पार के धनहा स्थित 52 ग्रामों के ठीक सटे उक्त 24 में से 12 ग्राम है। उक्त क्षेत्र में यदि किसी अन्य चीनी मिल को पथ क्रय केंद्र स्थापित करने या ग्राम आवंटित करने का आदेष दिया जाता है तो क्षेत्र में गन्ने की अवैध खरीद (पोचिंग) की संभावना होगी। जिसका कुप्रभाव चीनी मिल पर पड़ेगा। इसलिए उक्त क्षेत्र के निरंतरता एवं जुडाव के कारण बगहा चीनी मिल को ही आवंटित किया जाना न्यायोचित होगा। उनके प्रतिनिधि ने पूर्व निर्गत आदेष संख्या 1421 दिनांक 17.08.2010 जिसके द्वारा हरिनगर चीनी मिल को ये क्षेत्र 2014-15 तक आरक्षित किये गये थे पर वैधानिक प्रष्न चिन्ह खड़ा करते हुए कहा कि जब यह आदेष हरिनगर चीनी मिल द्वारा कभी अनुपालित नहीं किया गया तो इसका कोई विधिक औचित्य नहीं है। इस संबध्ां में विषेष ईख पदाधिकारी गोपालगंज से पत्रांक 1854 दिनांक 23.09.2013 द्वारा प्रासंगिक विषय के संबध्ां में प्रतिवेदन की मांग की गई थी। उनके द्वारा पत्रांक 59 दिनांक 07.10.2013 से विभाग को समर्पित प्रतिवेदन की समीक्षा की गई। अपने प्रतिवेदन में उनके द्वारा स्पष्ट किया गया है कि :-
(1) रतवल पुल से बगहा चीनी मिल की दूरी लगभग 30 कि॰मी॰ तथा हरिनगर चीनी मिल की दूरी लगभग 45 कि॰मी॰ है।
(2) बगहा चीनी मिल द्वारा पेराई सत्रवार एवं क्रय केंद्रवार खरीद की विवरणी भी अंकित किया गया है जो
| क्रय केंद्र का नाम | पेराई सत्रवार गन्ने की खरीद की मात्रा | ||
| 2010-11 | 2011-12 | 2012-13 | |
| 1. मुझही | ................ | 0.24 लाख | 0.90 लाख |
| 2. कतकी | ................ | 0.38 लाख | 0.90 लाख |
| 3. सितहिया | ................ | 0.41 लाख | 1.33 लाख |
| 4. मझरिया खास | 0.91 लाख | 0.40 लाख | 0.79 लाख |
| 5. परसौनी | 0.57 लाख | 0.55 लाख | 1.77 लाख |
| 6. मुराडीह | 0.23 लाख | 0.37 लाख | 0.82 लाख |
| 7. मधुबनी | 0.10 लाख | 0.19 लाख | 0.86 लाख |
| 8. तौलाहा | ................ | 0.16 लाख | 0.13 लाख |
| 9. तमकुहा | 0.22 लाख | 0.13 लाख | 0.13 लाख |
| 10. मरीचहवा | 0.54 लाख | .................. | ................... |
| कुल | 2.57 लाख | 3.83 लाख | 7.63 लाख |
विशेष ईख पदाधिकारी, गोपालगंज द्वारा धनहा क्षेत्र के कृषकों के गन्ने का ससमय निष्पादन करने हेतु निम्न बिन्दुओं को अंकित करते हुए पेराई सत्र 2010-11 में हरिनगर चीनी मिल को आरक्षित 24 ग्रामों में से बगहा चीनी मिल को पूर्व से आरक्षित क्षेत्रों के निरंतरता (कम्पेक्टनेस) को ध्यान में रखते हुए 12 ग्रामों को बगहा चीनी मिल को आरक्षित कर उक्त ग्रामों में दो नया पथ क्रय केंद्र स्थापित कर गन्ना की खरीद करने की अनुषंसा की गई हैः-
(1) धनहा क्षेत्र के ग्रामों्र की भौगोलिक स्थिति (2) कम्पेक्ट ऐरिया (3) गन्ने के अवैध पोचिंग को रोकना। (4) उपरोक्त क्षेत्र से चीनी मिल की दूरी। (5) पूर्व के तीन वर्षो में चीनी मिलों द्वारा किए गये गन्ने का उठाव (6) स्थानीय जनप्रतिनिधियों के लिखित अनुरोध पर (7) विभाग द्वारा हरिनगर चीनी मिल एवं बगहा चीनी मिल को दिए गए आरक्षण आदेष के अनुपालन की स्थिति।3 (cid:18)बहार गजट (असाधारण), 5 +दस-बर 2013 हरिनगर चीनी मिल, हरिनगर, प॰ चम्पारण एवं तिरुपति सुगर्स लि॰, बगहा, प॰ चम्पारण के पक्ष को सुनने एवं स्थानीय विषेष ईख पदाधिकारी के अनुषंसा के समीक्षोपरांत ईख कास्तकारों के व्यापक हित, गन्ने के सामयिक खपत, आरक्षित क्षेत्र के कम्पेक्टनेस एवं निरंतरता को देखते हुए बिहार ईख आपूर्ति एंव खरीद का विनियमन अधिनियम, 1981 में निहित प्रावधानों के अंतर्गत आदेष दिया जाता है कि धनहा क्षेत्र के गंडक नदी के उस पार स्थित निम्नांकित सूची के अनुसार 12 (बारह) ग्राम बगहा चीनी मिल को पेराई सत्र 2013-14 के लिये आरक्षित किया जाता है। इन ग्रामों में बगहा चीनी मिल दो नये पथ क्रय केंद्र स्थापित कर गन्ना खपत सुनिष्चित करेगी।
| बगहा चीनी मिल | ||
| क्रमांक | ग्राम का नाम | थाना संख्या |
| 1 | परसौना | 274 |
| 2 | बड़हारा | 411 |
| 3 | बैरिया | 410 |
| 4 | मोराडीह | 412 |
| 5 | चिलवनिया | 413 |
| 6 | भितहा | 414 |
| 7 | चन्दरपुर | 415 |
| 8 | मछहाअलियास दुबहा | 417 |
| 9 | टोलाडीह पकड़ी | 416 |
| 10 | खेराबोला | 272 |
| 11 | मुईघरवा | 418 |
| 12 | सेमरबारी | 276 |
हरिनगर चीनी मिल द्वारा शेष आरक्षित 12(बारह) ग्रामों में एक पथ क्रय केंद्र स्थापित कर गन्ना का खपत सुनिष्चित किया जायेगा।
पूर्व निर्गत आदेष 1421 दिनांक 17.08.2010 को इस हद तक संषोधित समझा जाए।
आदेश से, (ह0) अस्पष्ट, ईखायुक्त, बिहार।
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अधी.क, सिचवालय मुिणालय, (cid:18)बहार, पटना (cid:26)ारा ूकािशत एवं मु+ित। (cid:18)बहार गजट (असाधारण) 882-571+50-ड(cid:15)0ट(cid:15)0पी0। Website: http://egazette.bih.nic.in