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Bihar Gazette · Government of Bihar

Bihar Gazette, 12 December 2013

Published 12 December 2013

Type
Extra Ordinary
Identifier
in.gov.bih.gazette.2013-12-12.901
Languages
English, Hindi

िनबंधन सं(cid:8)या पी0ट(cid:15)0-40 (cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार(cid:18)बहार गजटगजटगजटगजट

असाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंकअसाधारण अंक (cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत(cid:18)बहार सरकार (cid:26)ारा ूकािशत 21212121 अमहायणअमहायणअमहायणअमहायण 1111935935935935 ((((शशशश0000)))) ((((संसंसंसं0000 पपपपटना टना टना टना 901901901901) ) ) ) पपपपटनाटनाटनाटना,,,, वृहःपवृहःपवृहःपवृहःपितितितितवारवारवारवार,,,, 12121212 *दस*दस*दस*दस,ब,ब,ब,बरररर 2013201320132013 सं0सं0सं0सं0 ए0/विविध-(53)-18/2012-ए0/विविध-(53)-18/2012-ए0/विविध-(53)-18/2012-ए0/विविध-(53)-18/2012-11144111441114411144 गृह (विषेष) विभागगृह (विषेष) विभागगृह (विषेष) विभागगृह (विषेष) विभाग ------------------------ संकल्पसंकल्पसंकल्पसंकल्प 12 दिसम्बर 201312 दिसम्बर 201312 दिसम्बर 201312 दिसम्बर 2013 विषयविषयविषयविषय ःःःः—वामपंथवामपंथवामपंथवामपंथी उग्रवादियों के प्रत्यर्पण ी उग्रवादियों के प्रत्यर्पण ी उग्रवादियों के प्रत्यर्पण ी उग्रवादियों के प्रत्यर्पण (Surrender)-सह-पुनर्वासन -सह-पुनर्वासन -सह-पुनर्वासन -सह-पुनर्वासन (Rehabilitation) योजना के अन्तर्गत नीति का योजना के अन्तर्गत नीति का योजना के अन्तर्गत नीति का योजना के अन्तर्गत नीति का निर्धारण।निर्धारण।निर्धारण।निर्धारण। गृह (विषेष) विभाग, बिहार के संकल्प ज्ञापांक-2705/सी0 दिनांक 23....11.2001 द्वारा बिहार में वामपंथी उग्रवादियों के प्रत्यर्पण (Surrender) एवं पुनर्वासन (Rehabilitation) हेतु नीति का निर्धारण किया गया था। इस संबंध में भारत सरकार, गृह मंत्रालय के पत्रांक-18015/21/2012-NM-III दिनांक 04.04.2013 में निहित दिषा-निर्देष के आलोक में राज्य में प्रभावी उक्त नीति के स्थान पर भारत सरकार के वामपंथी उग्रवादियों के प्रत्यर्पण-सह-पुनर्वासन योजना से प्रतिस्थिापित करने की आवष्यकता है। इस योजना का उद्देष्य उन वामपंथी उग्रवादियों की सहायता करना है, जो हिंसा का त्याग कर आत्मसमर्पण करते हुए समाज की मुख्य धारा से जुड़ना चाहते हैं। यह योजना एक बहुउद्देष्यीय रणनीति का अंग है, जिसका कार्यान्वयन हिंसा करने वाले तवों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई के समानान्तर किया जाएगा। यह योजना वामपंथी उग्रवाद से विमुख लोगों को रोजगार एवं उद्यमिता के अवसर प्रदान करने से संबंधित है, जिससे वे समाज की मुख्य धारा से जुड़ सकें एवं पुनः वामपंथी उग्रवाद गतिविधियों में शामिल न हों।

2. उपर्युक्त परिप्रेक्ष्य में वामपंथी उग्रवादियों के आत्मसमर्पण-सह-पुनर्वासन योजना हेतु निम्नांकित नीति निर्धारित की जाती है :-

उद्देष्य :-उद्देष्य :-उद्देष्य :-उद्देष्य :-

(i) वामपंथी उग्रवाद में फँसा महसूस कर रहे उग्रवादियों को वामपंथी उग्रवाद गतिविधियों से अलग करना। (ii) इसे सुनिष्चित करना कि आत्मसमर्पण करने वाले वामपंथी उग्रवादी पुनः वामपंथी आन्दोलन की ओर आकृश्ट न हों। नोटः- सुनियोजित रणनीति के तहत आत्मसमर्पण कर इस योजना का लाभ उठाने के इच्छुक उग्रवादियों को आत्मसमर्पण की अनुमति नहीं दी जाएगी।

3. पात्रता :-पात्रता :-पात्रता :-पात्रता :- (i) यह योजना उन वामपंथी उग्रवादियों पर प्रभावी होगी जो शस्त्र सहित/रहित समर्पण करते हैं। (ii) इस योजना के अन्तर्गत राज्य सरकार द्वारा गठित जाँच-सह-पुनर्वासन समिति यथोचित जाँच कर पात्रता निर्धारित करेगी।

(iii) यह योजना लागू होने के पूर्व समर्पण करने वाले वामपंथी उग्रवादियों पर प्रभावी नहीं होगी।2 (cid:18)बहार गजट (असाधारण), 12 *दस,बर 2013 4. योजनान्तर्गत लाभ :-योजनान्तर्गत लाभ :-योजनान्तर्गत लाभ :-योजनान्तर्गत लाभ :-

(i) उच्च स्तरीय वामपंथी उग्रवादियों जैसे- (क) राज्य समिति के सदस्य, (ख) क्षेत्रीय समिति के सदस्य, (ग) केन्द्रीय समिति के सदस्य, (घ) पोलित ब्यूरो के सदस्य के समर्पण करने पर तात्कालिक सहायता के रुप में `2,50,000 (रुपये दो लाख पचास हजार मात्र) एवं मध्यम/निम्नस्तरीय वामपंथी उग्रवादियों जैसे- (क) एरिया कमान्डर, (ख) उपक्षेत्रीय कमान्डर, (ग) क्षेत्रीय कमान्डर, (घ) राज्य जाँच-सह-पुनर्वासन समिति द्वारा इंगित अन्य हार्डकोर वामपंथी उग्रवादी को ` 1,50,000 (रुपये एक लाख पचास हजार) देय होगी। इस राषि को आत्मसमर्पित के नाम से सावधि जमा के रुप में बैंक में रखा जायेगा, जो आत्मसमर्पण करने की तिथि से 3 (तीन) साल पूरा करने पर देय होगा, बषर्ते उसके अच्छे व्यवहार के लिए पुलिस महानिदेषक द्वारा राज्य सरकार से अनुषंसा की गयी हो।

(ii) उग्रवादियों द्वारा प्रत्यर्पित हथियारों, विस्फोटकों के लिए उन्हें निम्नलिखित प्रोत्साहन राषि देय होगी :-

क्र0क्र0क्र0क्र0 हथियार प्रोत्साहन राषि
1 एल0एम0जी0/जी0पी0एम0जी0/पीका/आर0पी0जी0/स्नाइपर रायफल/रॉकेट प्रक्षेपक/ समानांतर हथियार `35,000/-प्रत्येक हथियार
2 ए0के0 47/56/74 रायफल `25,000/-प्रत्येक हथियार
3 पिस्टल/रिवाल्वर/एस0एल0आर0/कार्बाइन/स्टेनगन/.303 `10,000/-प्रत्येक हथियार
4 रॉकेट `1,000/-प्रत्येक हथियार
5 ग नेड/है े ्र ड ग्रेनेड/स्टिक ग्रेनेड ं `500/-प्रत्येक हथियार
6 रिमोर्ट कंट्रोल उपकरण `3,000/-प्रत्येक उपकरण
7 एम्यूनिषन सभी प्रकार के `3/-प्रत्येक
8 आई0ई0डी0 `1,000/-प्रत्येक
9 माइन्स `3,000/-प्रत्येक
10 विस्फोटक सामग्री `1,000/-प्रति किलोग्राम
11 वायरलेस सेट (अ) कम रेंज (ब) ज्यादा रेंज ` 1,000/-प्रति सेट `5,000/-प्रति सेट
12 सेटेलाईट फोन `10,000/-
13 वी0एच0एफ0/एच0एफ0 कम्यूनिकेषन सेट `5,000/-
14 इलेक्ट्रोनिक डेटोनेटर्स अन्य डेटोनेटर्स `50/- `10/-

नोटः- दी जाने वाली प्रोत्साहन राषि आत्मसमर्पण करने वाले के नाम से बैंक में सावधि जमा करायी जायेगी, जो उसे आत्मसमर्पण के तीन साल बाद देय होगी, बषर्ते उसके अच्छे व्यवहार के लिए पुलिस महानिदेषक द्वारा अनुमोदन किया गया हो। (iii) इस योजना के अंतर्गत पात्रता रखनेवाले को उसकी रुचि के अनुसार रोजगारोन्मुखी प्रषिक्षण दिया जायेगा। उन्हें अधिकतम 36 माह तक `4,000 प्रति माह भाा देय होगा। यदि आत्मसमर्पित को कोई सरकारी नौकरी प्राप्त हो जाती है तो उसका प्रतिमाह देय भाा बंद कर दिया जाएगा।

5. हथियारों की देख-रेख :-हथियारों की देख-रेख :-हथियारों की देख-रेख :-हथियारों की देख-रेख :- नक्सलियों द्वारा समर्पित हथियारों एवं गोला बारुद को सुरक्षित रखने की व्यवस्था पुलिस महानिदेषक द्वारा की जाएगी। नक्सलियों के पुनर्वासन हेतु पहचान का तरीका :- 6 नक्सलियों के पुनर्वासन हेतु पहचान का तरीका :- नक्सलियों के पुनर्वासन हेतु पहचान का तरीका :- नक्सलियों के पुनर्वासन हेतु पहचान का तरीका :-

(क) वामपंथी उग्रवादियों के समर्पण हेतु पहचान के लिए पहचान-सह-पुनर्वासन समिति निम्न प्रकार गठित की जाती है :- (i) इस योजना के अन्तर्गत अपर पुलिस महानिदेषक (विषेश शाखा) ''समर्पण-सह-पुनर्वासन पदाधिकारी (एस0एण्ड0आर0 पदाधिकारी)'' के रुप में कार्य करेंगे और वे समिति के अध्यक्ष भी होंगे।3 (cid:18)बहार गजट (असाधारण), 12 *दस,बर 2013 (ii) विषेश सचिव गृह (विषेश) विभाग, जो भारतीय पुलिस सेवा के हों - सदस्य। (iii) निदेषक (नियोजन एवं प्रषिक्षण), श्रम विभाग। (iv) पुलिस उप महानिरीक्षक (केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल)। (ख) वामपंथी उग्रवादी सी0ए0पी0एफ0 के किसी यूनिट, जिला दण्डाधिकारी, जिला पुलिस अधीक्षक, क्षेत्रीय पुलिस उपमहानिरीक्षक, प्रक्षेत्रीय पुलिस महानिरीक्षक, पुलिस महानिरीक्षक (अभियान) या राज्य सरकार द्वारा अन्य नामित पदाधिकारी के साथ-साथ सेना के किसी यूनिट अथवा राज्य के बाहर सी0ए0पी0एफ0 के किसी यूनिट के समक्ष समर्पण कर सकता है।

(ग) उग्रवादी ने जिस पदाधिकारी के समक्ष समर्पण किया है, उसे समर्पित उग्रवादी को सुरक्षा प्रदान करना होगा तथा उसकी सभी आवष्यक जानकारी विहित प्रपत्र में भरने के पष्चात उसे समर्पण-सह-पुनर्वासन पदाधिकारी द्वारा चलाए जाने वाले अस्थायी षिविर में भेज देना होगा। समर्पित उग्रवादी के संबंध में 15 दिनों के भीतर उसके समर्पण के संबंध में निर्णय लेने की अनिवार्यता होगी। (घ) जाँच प्रक्रिया हेतु मानक :-जाँच प्रक्रिया हेतु मानक :-जाँच प्रक्रिया हेतु मानक :-जाँच प्रक्रिया हेतु मानक :- (i) वैसे वामपंथी उग्रवादी जिन्होने आत्मसमर्पण किया है, उन्हे कंडिका-4(i) में परिभाशित वामपंथी उग्रवादी कैडर का होना चाहिए तथा उसका समर्पण राज्य सरकार द्वारा संचालित व्यापक समर्पण एवं पुनर्वास योजना के अनुरुप होना चाहिए। (ii) राज्य सरकार द्वारा इस आषय के लिए निर्दिश्ट समर्पण-सह-पुनर्वासन पदाधिकारी को पूर्ण समाधान होना चाहिए कि समर्पित उग्रवादी सही मायने में वामपंथी उग्रवादी कैडर का है। समर्पण करने वाले वामपंथी उग्रवादी कैडर द्वारा आत्मस्वीकृति (confession) किया जाना चाहिए, जिसमें उसके द्वारा किए गए सभी आपराधिक कृत्यों के साथ-साथ शड्‌यंत्र का नाम, अन्य भागीदार, विापोशकों का नाम, शरणदाताओं, संदेषवाहकों, वामपंथी उग्रवादी संगठन से संबंधित विस्तृत ब्योरा हथियार/गोला-बारुद एवं वामपंथी उग्रवादी कैडर द्वारा लूटी गई/बाँटी गई/व्ययनित सम्पाि के साथ-साथ जिस वामपंथी उग्रवादी कैडर से वह संबंधित है, उसकी पूर्ण जानकारी दी जाएगी। (ड0) समर्पण करने वाले वामपंथी उग्रवादी कैडर से संबंधित सदस्यों की गतिविधि की जानकारी संबंधित प्राधिकार/संगठन से प्राप्त होते ही समर्पण-सह-पुनर्वासन पदाधिकारी की अध्यक्षता में गठित जाँच समिति समर्पण के संबंध में निर्णय लेगी तथा स्वीकार योग्य होने पर उसे पुनर्वास हेतु चयनित कर लेगी।

(च) पुनर्वास हेतु चयनित उग्रवादियों को उनकी इच्छा/अभिरुचि के अनुरुप व्यवसाय/वोकेषनल प्रषिक्षण दिया जाएगा। राज्य सरकार ऐसे प्रषिक्षणों की व्यवस्था/संचालन करेगी तथा इस संबंध में समर्पण-सह-पुनर्वासन पदाधिकारी को सूचना देगी। साथ ही राज्य सरकार समर्पण-सह-पुनर्वासन पदाधिकारी को मासिक छात्रवृाि प्रदान करने हेतु आवष्यक निधि उपलब्ध कराएगी, ताकि प्रत्येक महीने भुगतान किया जा सके। छात्रवृाि की दर राज्य सरकार द्वारा समय-समय पर इस प्रयोजनार्थ निर्गत अधिसूचना के आधार पर होगी। 7. न्यायालय संबंधी मामले :-न्यायालय संबंधी मामले :-न्यायालय संबंधी मामले :-न्यायालय संबंधी मामले :- समर्पण करने वाले वामपंथी उग्रवादी कैडर के सदस्यों द्वारा किये गए गंभीर आपराधिक कृत्यों का विचारण सक्षम न्यायालय में जारी रहेगा। राज्य सरकार समर्पण करने वाले वामपंथी उग्रवादी कैडर के सदस्यों के पूर्व आपराधिक इतिहास/व्यक्तिगत आपराधिक कृत्यों को दृश्टिगत रखते हुए विभिन्न मामलों मे अभियोजन वापसी के संबंध में भी आवष्यक विचार करेगी। लघु अपराधों में राज्य सरकार के सक्षम प्राधिकार द्वारा स्वविवेक से Plea bargaining की अनुमति दी जा सकेगी। राज्य सरकार द्वारा निर्धारित मापदण्डों के आधार पर समर्पण करने वाले वामपंथी उग्रवादी कैडर के सदस्यों को निःषुल्क विधिक सेवा/अधिवक्ता प्रदान की जाएगी। साथ ही राज्य सरकार समर्पण करने वाले वामपंथी उग्रवादी कैडर के सदस्यों के मामले में त्वरित न्यायालयों का गठन त्वरित विचारण हेतु आवष्यकतानुसार कर सकेगी।

8. पुनर्वासन प्रक्रिया :-पुनर्वासन प्रक्रिया :-पुनर्वासन प्रक्रिया :-पुनर्वासन प्रक्रिया :- समर्पण करने वाले उग्रवादियों के पुनर्वास हेतु राज्य सरकार के गृह विभाग के प्रधान सचिव/सचिव पुनर्वास पदाधिकारी के रुप में निर्दिश्ट किये जाते हैं। पुनर्वास पदाधिकारी समर्पण करने वाले उग्रवादियों के पुनर्वासन से संबंधित रोजगार/स्वरोजगार हेतु तथा आवष्यकता पड़ने पर इस योजना के अन्तर्गत दी जाने वाली अनुदान की राषि (दो लाख पचास हजार रुपये/एक लाख पचास हजार रुपये) मात्र के भुगतान हेतु राज्य के सभी विभागों के बीच समन्वय का काम करेंगे। 9. भारत सरकार द्वारा पुनर्वास पर व्यय की गई राषि का समायोजन :- भारत सरकार द्वारा पुनर्वास पर व्यय की गई राषि का समायोजन :- भारत सरकार द्वारा पुनर्वास पर व्यय की गई राषि का समायोजन :- भारत सरकार द्वारा पुनर्वास पर व्यय की गई राषि का समायोजन :- (क) निम्नलिखित मदों में, जो न्यूनतम हो, उस राषि की शत-प्रतिषत प्रतिपूर्ति भारत सरकार द्वारा की जाएगी :- (i) समर्पण करने वाले व्यक्तियों के पुनर्वास पर व्यय की राषि, जिसकी अधिकतम सीमा उच्च स्तरीय वामपंथी उग्रवादियों के लिए `2,50,000/-(रुपये दो लाख पचास हजार) मात्र और मध्यम /निम्नस्तरीय वामपंथी उग्रवादियों के लिए `1,50,000/-(रुपये एक लाख पचास हजार) मात्र होगी।

(ii) उग्रवादियों द्वारा प्रत्यर्पित हथियारों/गोला-बारुद के लिए राषि उपरोक्त कंडिका-4(ii) के अनुरुप देय होगी। (iii) राज्य सरकार द्वारा किया गया वास्तविक व्यय। (ख) साथ ही प्रषिक्षण पा रहे उग्रवादियों को 4,000/-(रुपये चार हजार) मात्र की मासिक छात्रवृाि (अधिकतम 36 महीनों तक) की समस्त राषि की प्रतिपूर्ति भी सुरक्षा संबंधी व्यय योजना के अन्तर्गत भारत सरकार द्वारा की जाएगी।

भारत सरकार द्वारा पुनर्वास केन्द्रों एवं अभिलेखों का निरीक्षण :- 10. भारत सरकार द्वारा पुनर्वास केन्द्रों एवं अभिलेखों का निरीक्षण :- भारत सरकार द्वारा पुनर्वास केन्द्रों एवं अभिलेखों का निरीक्षण :- भारत सरकार द्वारा पुनर्वास केन्द्रों एवं अभिलेखों का निरीक्षण :- भारत सरकार को उग्रवादियों के पुनर्वासन हेतु संचालित कार्यों के निरीक्षण तथा अभिलेखों की जाँच का अधिकार होगा। 11. योजना के प्रभायोजना के प्रभायोजना के प्रभायोजना के प्रभावी होने की तिथि :-वी होने की तिथि :-वी होने की तिथि :-वी होने की तिथि :- यह योजना दिनांक 01.04.2013 से अगले तीन वर्शों के लिए प्रभावी होगी।4 (cid:18)बहार गजट (असाधारण), 12 *दस,बर 2013 12. भारत सरकार के दिषा-निर्देषों का प्रभावी मूल्यांकन :- भारत सरकार के दिषा-निर्देषों का प्रभावी मूल्यांकन :- भारत सरकार के दिषा-निर्देषों का प्रभावी मूल्यांकन :- भारत सरकार के दिषा-निर्देषों का प्रभावी मूल्यांकन :-

भारत सरकार, गृह मंत्रालय इन दिषा-निर्देषों की सावधिक समीक्षा राज्य सरकार की सलाह से करेगी तथा आवष्यकता पड़ने पर सुधारात्मक कार्रवाई करेगी। आदेषः-आदेष दिया जाता है कि सर्वसाधारण की जानकारी हेतु इसे बिहार राजपत्र के असाधारण अंक में प्रकाषित कराया जाय और इसकी प्रति पुलिस महानिदेषक, बिहार/सभी विभागीय प्रधान सचिव/सभी सचिव/सभी विभागाध्यक्ष/सभी अपर पुलिस महानिदेषक/सभी पुलिस महानिरीक्षक/सभी पुलिस उप महानिरीक्षक/सभी प्रमंडलीय आयुक्त/सभी जिला पदाधिकारी/सभी वरीय पुलिस अधीक्षक/सभी पुलिस अधीक्षक(रेल सहित)/सभी समादेश्टा, सैन्य पुलिस बल, बिहार को सूचनार्थ एवं आवष्यक कार्रवाई हेतु भेज दी जाय।

बिहार-राज्यपाल के आदेष से, आमिर सुबहानी,आमिर सुबहानी,आमिर सुबहानी,आमिर सुबहानी, सरकार के प्रधान सचिव।

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अधी-क, सिचवालय मुिणालय,

(cid:18)बहार, पटना (cid:26)ारा ूकािशत एवं मु*ित। (cid:18)बहार गजट (असाधारण) 901-571+1500-ड(cid:15)0ट(cid:15)0पी0। Website: http://egazette.bih.nic.in

Cite this issue. Bihar Gazette, Government of Bihar, 12 December 2013. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gov.bih.gazette.2013-12-12.901/. Archive identifier in.gov.bih.gazette.2013-12-12.901.