(cid:4)नबंधन सं(cid:10)या पी0ट(cid:21)0-40 (cid:4)नबंधन सं(cid:10)या ॢबह(cid:4)र
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(स(cid:14)(cid:15) पटन(cid:4) 1(cid:20)(cid:20)) पटन(cid:4)
पटन(cid:4)(cid:31) स मव(cid:4)र(cid:31) 6 माच(cid:16) 2(cid:15)1$
सं॰ब-17/बी॰एस॰जी॰-52/2016-327/वि॰
सं॰ब-17/बी॰एस॰जी॰-52/2016-327
वित्त विभाग
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संकल्प
6 मार्च 2017
का विलय कर व्यय का का विलय कर व्यय का का विलय कर व्यय का का विलय कर व्यय का वित्तीय वर्ष 2017-18 से आय-व्ययक में योजना एवं गैर-योजना मद में योजना एवं गैर-योजना मद में योजना एवं गैर-योजना मद में योजना एवं गैर-योजना मद का विलय कर व्यय का का विलय कर व्यय का का विलय कर व्यय का का विलय कर व्यय का विषय :-विषय :-विषय :-विषय :- वित्तीय वर्ष 2017-18 से आय-व्ययक वित्तीय वर्ष 2017-18 से आय-व्ययक वित्तीय वर्ष 2017-18 से आय-व्ययक वित्तीय वर्ष 2017-18 से आय-व्ययक वित्तीय वर्ष 2017-18 से आय-व्ययक वित्तीय वर्ष 2017-18 से आय-व्ययक वित्तीय वर्ष 2017-18 से आय-व्ययक
वर्गीकरण राजस्व एवर्गीकरण राजस्व एवर्गीकरण राजस्व एवर्गीकरण राजस्व एवं पूंजीगत श्रेणी में वर्गीकृत वं पूंजीगत श्रेणी में वर्गीकृत वं पूंजीगत श्रेणी में वर्गीकृत वं पूंजीगत श्रेणी में वर्गीकृत
वं पूंजीगत श्रेणी में वर्गीकृत वं पूंजीगत श्रेणी में वर्गीकृत वं पूंजीगत श्रेणी में वर्गीकृत वं पूंजीगत श्रेणी में वर्गीकृत किये जाने के संबंध में। किये जाने के संबंध में। किये जाने के संबंध में। किये जाने के संबंध में।
योजना एवं गैर योजना का अलग-अलग वर्गीकरण 01 अप्रील 1951 से लागू है, जब योजना एवं गैर योजना का अलग-अलग वर्गीकरण 01 अप्रील 1951 से लागू है, जब योजना एवं गैर योजना का अलग-अलग वर्गीकरण 01 अप्रील 1951 से लागू है, जब पंचवर्षीय योजना का क्रियान्वयन शुरू किया गया था। योजना एवं गैर योजना संबंधी वर्गीकरण को समाप्त पंचवर्षीय योजना का क्रियान्वयन शुरू किया गया था। योजना एवं गैर योजना संबंधी वर्गीकरण को समाप्त पंचवर्षीय योजना का क्रियान्वयन शुरू किया गया था। योजना एवं गैर योजना संबंधी वर्गीकरण को समाप्त करने का सुझाव श्री सी0 रंगराजन की अध्यक्षता में गठित उच्च स्तरीय विशेषज्ञ समिति द्वारा दिया गया था। करने का सुझाव श्री सी0 रंगराजन की अध्यक्षता में गठित उच्च स्तरीय विशेषज्ञ समिति द्वारा दिया गया था। करने का सुझाव श्री सी0 रंगराजन की अध्यक्षता में गठित उच्च स्तरीय विशेषज्ञ समिति द्वारा दिया गया था। प्रशासनिक सुधार आयोग ने भी योजना एवं गैर योजना के वर्गीकरण को समाप्त करने की अ प्रशासनिक सुधार आयोग ने भी योजना एवं गैर योजना के वर्गीकरण क ो समाप्त करने की अनुशंसा की है। भारत सरकार ने योजना आयोग को समाप्त कर नीति आयोग का गठन किया है। नीति आयोग भारत सरकार ने योजना आयोग को समाप्त कर नीति आयोग का गठन किया है। नीति आयोग भारत सरकार ने योजना आयोग को समाप्त कर नीति आयोग का गठन किया है। नीति आयोग द्वारा वार्षिक योजना एवं पंचवर्षीय योजना का कार्य किया जाना बंद कर दिया गया है। 12वीं पंचवर्षीय द्वारा वार्षिक योजना एवं पंचवर्षीय योजना का कार्य किया जाना बंद कर दिया गया है। 12वीं पंचवर्षीय द्वारा वार्षिक योजना एवं पंचवर्षीय योजना का कार्य किया जाना बंद कर दिया गया है। 12वीं पंचवर्षीय
वार्षिक अथवा पंचवर्षीय योजनाएं कार्यान्वित नहीं की योजना का अंतिम वर्ष 2016-17 है। उसके उपरान्त वार्षिक अथवा पंचवर्षीय योजनाएं कार्यान्वित नहीं की योजना का अंतिम वर्ष 2016-17 है। उसके उपरान्त
जायेगी।
भारत सरकार के संविधान में बजट प्रस्तुत करने के संबंध में अनुच्छेद 112 एवं 202 उल्लेखित भारत सरकार के संविधान में बजट प्रस्तुत करने के संबंध में अनुच्छेद 112 एवं 202 उल्लेखित भारत सरकार के संविधान में बजट प्रस्तुत करने के संबंध में अनुच्छेद 112 एवं 202 उल्लेखित जिसमें प्राप्तियां एवं व्यय का विवरण जिसे वार्षिक वित्तीय विवरण कहा जाता है, मुख्य बजट प्रक्रिया है। है जिसमें प्राप्तियां एवं व्यय का विवरण जिसे वार्षिक वित्तीय विवरण कहा जाता है, मुख्य बजट प्रक्रिया है। जिसमें प्राप्तियां एवं व्यय का विवरण जिसे वार्षिक वित्तीय विवरण कहा जाता है, मुख्य बजट प्रक्रिया है। र्षक वित्तीय विवरणी में संचित निधि पर भारित व्यय के रूप में वर्णित व्यय की अपेक्षित राशियाँ और वार्षिक वित्तीय विवरणी में संचित निधि पर भारित व्यय के रूप में वर्णित व्यय की अपेक्षित राशियाँ और र्षक वित्तीय विवरणी में संचित निधि पर भारित व्यय के रूप में वर्णित व्यय की अपेक्षित राशियाँ और संचित निधि पर प्रस्थापित अन्य व्यय की पूर्ति की अपेक्षित राशियाँ पृथक दिखलाये जाने और राजस्व लेखे पर संचित निधि पर प्रस्थापित अन्य व्यय की पूर्ति की अपेक्षित राशियाँ पृथक दिखलाये जाने और राजस्व लेखे पर संचित निधि पर प्रस्थापित अन्य व्यय की पूर्ति की अपेक्षित राशियाँ पृथक दिखलाये जाने और राजस्व लेखे पर
है। संविधान में योजना एवं गैर योजना का होने वाले व्यय का अन्य व्यय (पूंजीगत व्यय) से भेद किया जाना है। संविधान में योजना एवं गैर योजना का होने वाले व्यय का अन्य व्यय (पूंजीगत व्यय) से भेद किया जाना
अलग-अलग वर्गीकरण किया जाना अपेक्षित नहीं है। अलग-अलग वर्गीकरण किया जाना अपेक्षित नहीं है।
भारत सरकार वित्त मंत्रालय, आर्थिक विषयक विभाग, बजट प्रभाग के पत्र भारत सरकार वित्त मंत्रालय, आर्थिक विषयक विभाग, बजट प्रभाग के पत्र भारत सरकार वित्त मंत्रालय, आर्थिक विषयक विभाग, बजट प्रभाग के पत्र )/2011 दिनांक 23 अगस्त 2016 के द्वारा वर्ष 2017-18 के आय-व्ययक में संख्या-एफ01(16)-बी.(ए.सी.)/2011 दिनांक 23 अगस्त 2016 के द्वारा वर्ष 2017-18 के आय-व्ययक में )/2011 दिनांक 23 अगस्त 2016 के द्वारा वर्ष 2017-18 के आय-व्ययक में2 ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15)(cid:16) 6 माच(cid:16) 2017 योजना एवं गैर-योजना का वर्गीकरण समाप्त करने का निर्णय लिया गया है तथा यह अपेक्षा की गयी है कि राज्यों में भी वित्तीय वर्ष 2017-18 से योजना एवं गैर-योजना का वर्गीकरण समाप्त कर दिया जाय। तदनुसार भारत सरकार द्वारा केन्द्रीय स्तर पर वित्तीय वर्ष 2017-18 से व्यय एवं लेखा में योजना एवं गैर योजना संंबंधी वर्गीकरण को समाप्त करने का निर्णय लिया गया।
भारत सरकार, वित्त मंत्रालय के दिशा-निर्देश के आलोक में लेखा वर्गीकरण में समरूपता हेतु, वित्तीय वर्ष 2017-18 से बिहार राज्य में भी आय-व्ययक योजना एवं गैर-योजना के वर्गीकरण को समाप्त करने का निर्णय मंत्रिपरिषद् की दिनांक 05.10.2016 की बैठक में मद संख्या 18 के रूप में लिया गया है। इस संबंध में राज्य सरकार द्वारा लिये गए निर्णय के तहत :-
((((i) वित्तीय वर्ष 2017-18 से व्यय का वर्गीकरण निम्नलिखित होगाः- ) वित्तीय वर्ष 2017-18 से व्यय का वर्गीकरण निम्नलिखित होगाः- ) वित्तीय वर्ष 2017-18 से व्यय का वर्गीकरण निम्नलिखित होगाः- ) वित्तीय वर्ष 2017-18 से व्यय का वर्गीकरण निम्नलिखित होगाः-
| क्रमांक | वर्त्तमान नामकरण | संशोधित नामकरण |
| 1 | गैर-योजना | स्थापना एवं प्रतिबद्ध व्यय |
| 2 | राज्य योजना | राज्य स्कीम |
| 3 | केन्द्र प्रायोजित योजना | केन्द्रीय प्रायोजित स्कीम |
| 4 | केन्द्रीय योजनागत योजना | केन्द्रीय क्षेत्र स्कीम |
(ii) वर्ष 2017-18 से योजना एवं गैर-योजना के विलय के उपरान्त योजना वार वर्गीकरण के पूर्व प्रयोग में लाए जाने वाले Alphabet यथा- P, N, S आदि का उपयोग नहीं किया जाएगा। व्यय का उपरोक्त वर्गीकरण राजस्व एवं पूंजीगत व्यय तथा इनका वर्गीकरण मतदेय एवं प्रभृत्त के रूप में होगा।
(iii) वर्ष 2017-18 से बजट पुस्तिकाओं यथा- प्राप्ति एवं व्यय में लेखा वर्गीकरण 5 श्रेणियों के स्थान पर छः श्रेणियों में निम्नवत् किया जाएगा, जिसमें 17 अंकों का विपत्र कोड होगा जिसमें प्रत्येक विपत्र कोड के आगे दो अंकीय मांग संख्या भी उल्लेखित की जायेगीः-
| विषय | कोड की संख्या |
| मांग/विनियोग | 2 अंक |
| मुख्य शीर्ष | 4 अंक (कार्य) (Function) |
| उपमुख्य शीर्ष | 2 अंक (उप कार्य) (Sub Function) |
| लघु शीर्ष | 3 अंक (कार्यक्रम) (Programme) |
| उपशीर्ष | 4 अंक (स्कीम) (Scheme) |
| विस्तृत शीर्ष | 2 अंक (उप स्कीम) (Sub Scheme) |
| विषय शीर्ष | 2 अंक (विषय शीर्ष या विनियोग की प्राथमिक इकाई) (Object head or Primary units of Appropriation) |
(iv) इस प्रकार सरकार के उक्त लिये गए निर्णय के आलोक में व्यय का वर्गीकरण वर्ष 2017-18 से राजस्व एवं पूंजीगत व्यय में तथा इनका वर्गीकरण मतदेय एवं प्रभृत्त रूप में होगा। तदनुसार बजट प्रकाशन में राजस्व एवं पूंजीगत मद में व्यय की पहचान
| क्र॰ | चार अंकों के उप शीर्ष के प्रथम दो अंक | वर्त्तमान में लागू | संशोधन के उपरांत वर्ष 2017-18 में लागू |
| 1 | 00 | गैर-योजना | स्थापना एवं प्रतिबद्ध व्यय |
| 2 | 01 | राज्य योजना | राज्य स्कीम |
| 3 | 02 | राज्य योजनान्तर्गत केन्द्र प्रायोजित योजना की केन्द्रांश राशि | केन्द्रीय प्रायोजित स्कीम की केन्द्रांश राशि |
| 4 | 03 | राज्य योजनान्तर्गत केन्द्रीय प्रायोजित योजना की राज्यांश राशि | केन्द्रीय प्रायोजित स्कीम की राज्यांश राशि |
| 5 | 04 | केन्द्रीय योजनागत योजना | केन्द्रीय क्षेत्र स्कीम |
| 6 | 05 | बाह्य सम्पोषित परियोजनाएं (01 के अन्तर्गत) बाह्य सम्पोषित परियोजनाओं में ऋण तथा अनुदान की राशि संबंधित व्यय। |
इस संबंध में वित्तीय वर्ष 2017-18 से आय व्ययक में योजना एवं गैर-योजना का वर्गीकरण समाप्त करने, विपत्र कोड को कुल 17 अंकों का वर्गीकरण कर पुनर्निधारण करने एवं विपत्र केाड के साथ संलग्न Alphabet यथा-P, N, S आदि का उपयोग नहीं करने, इस संबंध में प्राप्ति एवं व्यय मुख्यशीर्ष अंतर्गत कतिपय मुख्य शीर्ष अन्तर्गत लघु शीर्ष में संशोधन करने एवं इस संबंध में अन्य आवश्यक संशोधन की कार्रवाई किये जाने के संबंध में बिहार विधान-सभा की प्रक्रिया तथा कार्य संचालन नियमावली के नियम-240(घ) के आलोक में, बिहार विधान-सभा की प्राक्कलन समिति की अनुमति प्राप्त कर ली गयी है।
योजना एवं गैर योजना के वर्गीकरण के समाप्त होने से संघ तथा राज्यों के मुख्य तथा लघु लेखा शीर्षों की सूची में जो मुख्य शीर्ष 0049-ब्याज प्राप्ति, मुख्य शीर्ष 1601-केन्द्र सरकार से सहायता अनुदान, मुख्य शीर्ष 2049-ब्याज अदायगियाँ, मुख्यशीर्ष 6004-केन्द्रीय सरकार से कर्ज तथा अग्रिम के अधीन इस्तेमाल हो रहे उप मुख्यशीर्ष एवं इनके अधीन विहित लघुशीर्षों में, आवश्यक संशोधन करने हेतु महालेखा नियंत्रक कार्यालय, नई दिल्ली के परामर्श से व्यय एवं प्राप्ति संबंधित कार्यरत मुख्य शीर्ष, उप मुख्यशीर्ष एवं लघु शीर्ष में होने वाले अपेक्षित संशोधनों के अनुरूप खोले गए नये उपशीर्ष पर महालेखाकार कार्यालय की सहमति प्राप्त कर ली गयी है।4 ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15)(cid:16) 6 माच(cid:16) 2017 इस प्रकार राज्य सरकार द्वारा वित्तीय वर्ष 2017-18 से आय-व्ययक में योजना एवं गैरयोजना का वर्गीकरण समाप्त करने का निर्णय लिया गया है एवं लिए गये निर्णय के अनुरूप वर्ष 2017-18 से व्यय का वर्गीकरण राजस्व एवं पूंजीगत व्यय अन्तर्गत मतदेय एवं प्रभृत्त के रूप में होगा।
आदेश- आदेश दिया जाता है कि सर्वसाधारण की जानकारी हेतु इस संकल्प को बिहार राजपत्र के आदेश- आदेश दिया जाता है कि सर्वसाधारण की जानकारी हेतु इस संकल्प को बिहार राजपत्र के आदेश- आदेश दिया जाता है कि सर्वसाधारण की जानकारी हेतु इस संकल्प को बिहार राजपत्र के आदेश- आदेश दिया जाता है कि सर्वसाधारण की जानकारी हेतु इस संकल्प को बिहार राजपत्र के असाधारण अंक में प्रकाशित किया जाए। असाधारण अंक में प्रकाशित किया जाए। असाधारण अंक में प्रकाशित किया जाए। असाधारण अंक में प्रकाशित किया जाए।
बिहार-राज्यपाल के आदेश से,
रवि मिततल,रवि मिततल,रवि मिततल,रवि मिततल,
सरकार के प्रधान सचिव ।
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