(cid:1)ब(cid:1)ब(cid:1)ब(cid:1)बहारहारहारहार
हारहारहारहार गजटगजटगजटगजट गजटगजटगजटगजट
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ूकािशतूकािशतूकािशतूकािशत 26 वैशाखवैशाखवैशाखवैशाख 1939 (शशशश0)
((((संसंसंसं0 पटनापटनापटनापटना 402) ) ) ) पटनापटनापटनापटना
पटनापटनापटनापटना, मंगलमंगलमंगलमंगलवारवारवारवार, 1 61 61 61 6 मईमईमईमई 2017 सं0 08/आरोप-01-99/2015,सा॰प्र॰-16948 सं0
सामान्य सामान्य सामान्य सामान्य प्रशासन विभागप्रशासन विभागप्रशासन विभागप्रशासन विभाग
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संकल्पसंकल्पसंकल्पसंकल्प
21212121 दिसदिसदिसदिसम्बरम्बरम्बरम्बर 2016201620162016
श्री रामदेव प्रसाद श्रीवास्तव, बि॰प्र॰से॰, कोटि क्रमांक-767/99, के विरूद्ध प्रखंड विकास पदाधिकारी, दिनारा श्री रामदेव प्रसाद श्रीवास्तव, बि॰प्र॰से॰, कोटि क्रमांक-767/99, के विरूद्ध प्रखंड विकास पदाधिकारी, दिनारा श्री रामदेव प्रसाद श्रीवास्तव, बि॰प्र॰से॰, कोटि क्रमांक-767/99, के विरूद्ध प्रखंड विकास पदाधिकारी, दिनारा (रोहतास) के पद पर पदस्थापन के दौरान वृद्वावस्था पेंशन की राशि के गबन करने के आरोपों पर निगरानी थाना कांड (रोहतास) के पद पर पदस्थापन के दौरान वृद्वावस्था पेंशन की राशि के गबन करने के आरोपों पर निगरानी थाना कांड (रोहतास) के पद पर पदस्थापन के दौरान वृद्वावस्था पेंशन की राशि के गबन करने के आरोपों पर निगरानी थाना कांड सं॰-06/88 दर्ज हुआ तथा विधि विभाग के आदेश सं॰-एस॰पी॰-90/91/4303430343034303, दिनांक सं॰-06/88 दर्ज हुआ तथा विधि विभाग के आदेश सं॰-एस॰पी॰-90/91/ , दिनांक 24242424....08080808....1991199119911991 द्वारा अभियोजन स्वी—ति दी गयी। मामले की गम्भीरता को देखत
ति दी गयी। मामले की गम्भीरता को देखते हुए विभागाीय आदेश सं॰-15022, दिनांक 07
े हुए विभागाीय आदेश सं॰-15022, दिनांक 07.11.1991
1996 द्वारा इन्हें निलंबन मुक्त द्वारा निलंबित किया गया। कालान्तर में विभागीय आदेश सं॰-10413, दिनांक 20.09.1996 द्वारा इन्हें निलंबन मुक्त द्वारा निलंबित किया गया। कालान्तर में विभागीय आदेश सं॰-10413, दिनांक 20
किया गया। उपर्युक्त आरोपों की सम्यक् जाँच हेतु विभागीय संकल्प ज्ञापांक-10983, दिनांक 05.10.1996 द्वारा श्री किया गया। उपर्युक्त आरोपों की सम्यक् जाँच हेतु विभागीय संकल्प ज्ञापांक-10983, दिनांक 05 किया गया। उपर्युक्त आरोपों की सम्यक् जाँच हेतु विभागीय संकल्प ज्ञापांक-10983, दिनांक 05
श्रीवास्तव के विरूद्ध विभागीय कार्यवाही संचालित की गयी तथा आयुक्त, पटना प्रमंडल, पटना को संचालन पदाधिकारी श्रीवास्तव के विरूद्ध विभागीय कार्यवाही संचालित की गयी तथा आयुक्त, पटना प्रमंडल, पटना को संचालन पदाधिकारी श्रीवास्तव के विरूद्ध विभागीय कार्यवाही संचालित की गयी तथा आयुक्त, पटना प्रमंडल, पटना को संचालन पदाधिकारी
2005 को वार्धक्य सेवानिवृत्त हो जाने के फलस्वरूप विभागीय नियुक्त किया गया। श्री श्रीवास्तव के दिनांक 28.02.2005 को वार्धक्य सेवानिवृत्त हो जाने के फलस्वरूप विभागीय नियुक्त किया गया। श्री श्रीवास्तव के दिनांक 28
संकल्प ज्ञापांक-3463, दिनांक 08.03
ीय कार्यवाही को बिहार पेंशन नियमावली के नियम-43 03.2016 द्वारा उक्त विभागीय कार्यवाही को बिहार पेंशन नियमावली के नियम-43 (बी॰) के तहत सम्परिवर्तित किया गया। (बी॰) के तहत सम्परिवर्तित किया गया।
2015) की प्रति संलग्न करते हुए संचालन पदाधिकारी से प्राप्त जाँच प्रतिवेदन (पत्रांक-1272, दिनांक 25.08.2015) की प्रति संलग्न करते हुए संचालन पदाधिकारी से प्राप्त जाँच प्रतिवेदन (पत्रांक-1272, दिनांक 25
ी श्रीवास्तव ने अपना श्री श्रीवास्तव से द्वितीय कारण पृच्छा/लिखित अभिकथन की माँग की गयी। इस क्रम में श्री श्रीवास्तव ने अपना श्री श्रीवास्तव से द्वितीय कारण पृच्छा/लिखित अभिकथन की माँग की गयी। इस क्रम में श्र 2 (cid:1)बहार गजट (असाधारण), 16 मईमईमईमई 2017 आरोप प्रपत्र 'क', जाँच प्रतिवेदन एवं श्री श्रीवास्तव द्वारा समर्पित लिखित अभिकथन की समीक्षा से यह स्पष्ट हुआ है कि आरोपित पदाधिकारी ने राशि का भुगतान स्वयं नहीं किया था बल्कि उन्होेंने इस हेतु आदेश दिया था। दिनांक 02.10.1986 को प्रखंड शिविर में इन्दिरा आवास का वितरण वरीय पदाधिकारियों एवं जन प्रतिनिधियों के समक्ष किया गया। भुगतान का सत्यापन एवं लाभुकों की पहचान पंचायत सचिव ने की थी। जिला पदाधिकारी द्वारा की गयी जाँच में पेंशनधारियों के भुगतान में अनियमितता नहीं पायी गयी। उक्त भुगतान करने वाले नाजिर पर भी कोई आरोप प्रमाणित नहीं हुआ,जिसके कारण वे आरोप मुक्त हुए। निगरानी थाना कांड सं॰-688 से उद्भूत विशेष निगरानी वाद सं॰-15/88 में संबंधित न्यायालय द्वारा दिनांक 22.06.2016 को आदेश पारित किया गया। जिसमें श्री श्रीवास्तव एवं अन्य सभी अभियुक्त आरोप मुक्त हो चुके है। इस प्रकार श्री श्रीवास्तव के विरूद्ध संचालित विभागीय कार्यवाही/आरोप के इस मामले को संचिकास्त करते हुए इन्हें आरोप मुक्त किया जाता है।
श्री श्रीवास्तव के निलंबन अवधि (दिनांक 07.11.1991 से दिनांक 30.09.1996 तक) को पूर्ण वेतन की अनुमान्यता के साथ सेवावधि के रूप में विनियमित किया जाता है।
ल्प की प्रति बिहार राजपत्र के अगले असाधारण अंक में प्रकाशित किया अंक में प्रकाशित किया अंक में प्रकाशित किया अंक में प्रकाशित किया आदेश्आदेश्आदेश्आदेश :-ा :-ा :-ा :-आदेश दिया जाता है कि इस संकआदेश दिया जाता है कि इस संकआदेश दिया जाता है कि इस संकआदेश दिया जाता है कि इस संकल्प की प्रति बिहार राजपत्र के अगले असाधारण ल्प की प्रति बिहार राजपत्र के अगले असाधारण ल्प की प्रति बिहार राजपत्र के अगले असाधारण
जाय तथा इसकी प्रति सभी संबंधित को भेज दी जाय। जाय तथा इसकी प्रति सभी संबंधित को भेज दी जाय। जाय तथा इसकी प्रति सभी संबंधित को भेज दी जाय। जाय तथा इसकी प्रति सभी संबंधित को भेज दी जाय।
बिहार-राज्यपाल के आदेश से,
राम बिशुन राय,राम बिशुन राय,राम बिशुन राय,राम बिशुन राय,
सरकार के अवर सचिव।
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अधी*कअधी*कअधी*कअधी*क, सिचवालयसिचवालयसिचवालयसिचवालय मुिणालयमुिणालयमुिणालयमुिणालय, (cid:1)बहार(cid:1)बहार(cid:1)बहार(cid:1)बहार, पटनापटनापटनापटना (cid:23)ारा(cid:23)ारा(cid:23)ारा(cid:23)ारा ूकािशतूकािशतूकािशतूकािशत एवंएवंएवंएवं मु/ित।मु/ित।मु/ित।मु/ित। (cid:1)बहार(cid:1)बहार(cid:1)बहार(cid:1)बहार गजटगजटगजटगजट (असाधारणअसाधारणअसाधारणअसाधारण) 402-571+10-ड%ड%ड%ड%0ट%ट%ट%ट%0पीपीपीपी0।।।। Website: http://egazette.bih.nic.in