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Bihar Gazette · Government of Bihar

Bihar Gazette, 31 July 2017

Published 31 July 2017

Type
Extra Ordinary
Identifier
in.gov.bih.gazette.2017-07-31.673
Languages
English, Hindi

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सामान्य प्रशासन foHkkx

———

संकल्प

12 जून 2017

) का दंड संसूचित किया गया।श्री राजाराम चन्द्र राम, बि0प्र0से0, कोटि क्रमांक-1374/08, 1137/11, तत्कालीन अंचलाधिकारी- श्री राजाराम चन्द्र राम, बि0प्र0से0, कोटि क्रमांक-1374/08, 1137/11, तत्कालीन अंचलाधिकारी- श्री राजाराम चन्द्र राम, बि0प्र0से0, कोटि क्रमांक-1374/08, 1137/11, तत्कालीन अंचलाधिकारी- की बंदोवस्ती करने एवं शिक्षक सह-प्रखंड विकास पदाधिकारी, बिस्फी, मधुबनी के विरूद्ध अवैध रूप से सैराताें की बंदोवस्ती करने एवं शिक्षक सह-प्रखंड विकास पदाधिकारी, बिस्फी, मधुबनी के विरूद्ध अवैध रूप से सैराताें नियोजन में अनियमितता बरतने संबंधी प्रतिवेदित आरोपों की जाँच हेतु संकल्प ज्ञापांक 15789 दिनांक 22.11.2012 द्वारा नियोजन में अनियमितता बरतने संबंधी प्रतिवेदित आरोपों की जाँच हेतु संकल्प ज्ञापांक 15789 दिनांक 22 नियोजन में अनियमितता बरतने संबंधी प्रतिवेदित आरोपों की जाँच हेतु संकल्प ज्ञापांक 15789 दिनांक 22 विभागीय कार्यवाही संचालित की गयी। विभागीय कार्यवाही संचालित की गयी। अनुशासनिक प्राधिकार के स्तर पर आरोप, प्रपत्र-'क' एवं संचालन पदाधिकारी से प्राप्त अनुशासनिक प्राधिकार के स्तर पर आरोप, प्रपत्र-'क' एवं संचालन पदाधिकारी से प्राप्त जाँच प्रतिवेदन की अनुशासनिक प्राधिकार के स्तर पर आरोप, प्रपत्र-'क' एवं संचालन पदाधिकारी से प्राप्त समीक्षा में पाया गया कि आरोप के एक अन्य मामले में निलंबित (विभागीय संकल्प ज्ञापांक 433 दिनांक 09.02.2009) समीक्षा में पाया गया कि आरोप के एक अन्य मामले में निलंबित (विभागीय संकल्प ज्ञापांक 433 दिनांक 09 समीक्षा में पाया गया कि आरोप के एक अन्य मामले में निलंबित (विभागीय संकल्प ज्ञापांक 433 दिनांक 09 रहने के बावजूद आरोपित पदाधिकारी द्वारा वक्फ बोर्ड के बगीचे की बंदोवस्ती हेतु कार्रवाई की गयी। उक्त बंदोवस्ती में रहने के बावजूद आरोपित पदाधिकारी द्वारा वक्फ बोर्ड के बगीचे की बंदोवस्ती हेतु कार्रवाई की गयी। उक्त बंदोवस्ती में रहने के बावजूद आरोपित पदाधिकारी द्वारा वक्फ बोर्ड के बगीचे की बंदोवस्ती हेतु कार्रवाई की गयी। उक्त बंदोवस्ती में भाग लेने वाले का हस्ताक्षर भी बीड सीट पर संदिग्ध पाया गया। इसके पश्चात जिला पदाधिकारी द्वारा उक्त बगीचे क्षर भी बीड सीट पर संदिग्ध पाया गया। इसके पश्चात जिला पदाधिकारी द्वारा उक्त बगीचे क्षर भी बीड सीट पर संदिग्ध पाया गया। इसके पश्चात जिला पदाधिकारी द्वारा उक्त बगीचे अधिक राजस्व की प्राप्ति की नये सिरे से बंदोवस्ती की गयी, जिसमें पूर्व में की गयी बंदोवस्ती से की नये सिरे से बंदोवस्ती की गयी, जिसमें पूर्व में की गयी बंदोवस्ती से तीन लाख रूपये से अधिक राजस्व ाक्तियों का गलत ढ़ंग से प्रयोग करते हुई। इस प्रकार श्री राम के विरूद्ध निलंबन अवधि में कार्य करने एवं वित्तीय शक्तियों का गलत ढ़ंग से प्रयोग करते हुई। इस प्रकार श्री राम के विरूद्ध निलंबन अवधि में कार्य करने एवं वित्तीय श् क्षति पहुंचाने संबंधी आरोप प्रमाणित पाया गया। उक्त प्रमाणित आरोपों पर श्री राम से प्राप्त लिखित हुए राजस्व की क्षति पहुंचाने संबंधी आरोप प्रमाणित पाया गया। उक्त प्रमाणित आरोपों पर श्री राम से प्राप्त लिखित क्षति पहुंचाने संबंधी आरोप प्रमाणित पाया गया। उक्त प्रमाणित आरोपों पर श्री राम से प्राप्त लिखित अभिकथन एवं बिहार लोक सेवा आयोग से प्राप्त मंतव्य की समीक्षा के उपरांत सम्यक विचारोपरांत संकल्प ज्ञापांक अभिकथन एवं बिहार लोक सेवा आयोग से प्राप्त मंतव्य की समीक्षा के उपरांत सम्यक विचारोपरांत संकल्प ज्ञापांक अभिकथन एवं बिहार लोक सेवा आयोग से प्राप्त मंतव्य की समीक्षा के उपरांत सम्यक विचारोपरांत संकल्प ज्ञापांक कालमान वेतन में निम्नतर दो प्रक्रम (दो वेतन वृद्धि पीछे) पर दो वर्षो के लिए 3102 दिनांक 16.03.2017 द्वारा कालमान वेतन में निम्नतर दो प्रक्रम (दो वेतन वृद्धि पीछे) पर दो वर्षो के लिए कालमान वेतन में निम्नतर दो प्रक्रम (दो वेतन वृद्धि पीछे) पर दो वर्षो के लिए संचयी प्रभाव से अवनति (दंड के प्रभाव अवधि में वेतनवृद्धि अर्जित नहीं करेंगे) का दंड संसूचित किया गया। संचयी प्रभाव से अवनति (दंड के प्रभाव अवधि में वेतनवृद्धि अर्जित नहीं करेंगे 2017) में श्री राम ने यह उल्लेख किया उक्त दंडादेश के विरूद्ध प्राप्त पुनर्विलोकन अभ्यावेदन (दिनांक 22.04.2017) में श्री राम ने यह उल्लेख किया उक्त दंडादेश के विरूद्ध प्राप्त पुनर्विलोकन अभ्यावेदन (दिनांक 22 कि उन्होंने पूरी पारदर्शिता के साथ आम में मंजर लगने के समय वक्फ बोर्ड के बगीचे की बंदोवस्ती की थी परन्तु चार कि उन्होंने पूरी पारदर्शिता के साथ आम में मंजर लगने के समय वक्फ बोर्ड के बगीचे की बंदोवस्ती की थी परन्तु चार कि उन्होंने पूरी पारदर्शिता के साथ आम में मंजर लगने के समय वक्फ बोर्ड के बगीचे की बंदोवस्ती की थी परन्तु चार माह बाद पुनः बंदोवस्ती कराये जाने पर राजस्व में वृद्धि होना स्वभाविक था। आरोप के अन्य बिन्दुओं पर श्री राम ने माह बाद पुनः बंदोवस्ती कराये जाने पर राजस्व में वृद्धि होना स्वभाविक था। आरोप के अन्य बिन्दुओं पर श्री राम ने माह बाद पुनः बंदोवस्ती कराये जाने पर राजस्व में वृद्धि होना स्वभाविक था। आरोप के अन्य बिन्दुओं पर श्री राम ने कोई बचाव प्रस्तुत नहीं किया। पुनर्विलोकन अभ्यावेदन पर विचार करते हुए यह पाया गया कि श्री राम ने निलंबन अवधि में आनन-फानन में पुनर्विलोकन अभ्यावेदन पर विचार करते हुए यह पाया गया कि श्री राम ने निलंबन अवधि में पुनर्विलोकन अभ्यावेदन पर विचार करते हुए यह पाया गया कि श्री राम ने निलंबन अवधि में करने संबंधी प्रमाणित आरोपों के बचाव में कोई तथ्य नहीं दिया है। इसके साथ ही करने संबंधी प्रमाणित आरोपों के बचाव में कोई तथ्य नहीं दिया त्रुटिपूर्ण बीड सीट पर बन्दोवस्ती करने संबंधी प्रमाणित आरोपों के बचाव में कोई तथ्य नहीं दिया ुत तर्क से उनके निर्दोष होने की पुष्टि नहीं होती है। इस प्रकार श्री राम के पुनर्विलोकन अभ्यावेदन अभ्यावेदन में प्रस्तुत तर्क से उनके निर्दोष होने की पुष्टि नहीं होती है। इस प्रकार श्री राम के पुनर्विलोकन अभ्यावेदन ुत तर्क से उनके निर्दोष होने की पुष्टि नहीं होती है। इस प्रकार श्री राम के पुनर्विलोकन अभ्यावेदन को स्वीकार योग्य नहीं पाया गया। 2 ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15)(cid:16) 31 जुलाई 2017 उपर्युक्त वर्णित तथ्यों के आलोक में सम्यक विचारोपरांत श्री राजाराम चन्द्र राम, बि0प्र0से0, कोटि क्रमांक-1137/11, के पुनर्विलोकन अभ्यावेदन को अस्वीकृत करते हुए विभागीय संकल्प ज्ञापांक 3102 दिनांक 16.03. 2017 द्वारा संसूचित दंड यथावत रखा जाता है।

आदेश :- आदेश दिया जाता है कि इस संकल्प की प्रति बिहार राजपत्र के अगले असाधारण अंक में प्रकाशित किया जाय तथा इसकी प्रति सभी संबंधित को भेज दी जाय।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, राम बिशुन राय, सरकार के अवर सचिव।

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Cite this issue. Bihar Gazette, Government of Bihar, 31 July 2017. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gov.bih.gazette.2017-07-31.673/. Archive identifier in.gov.bih.gazette.2017-07-31.673.