Servants of Knowledge
Bihar Gazette · Government of Bihar

Bihar Gazette, 20 February 2018

Published 20 February 2018

Type
Extra Ordinary
Identifier
in.gov.bih.gazette.2018-02-20.149
Languages
English, Hindi

िनबंधन सं(cid:8)या पी0ट(cid:15)0-40 ॢबह(cid:4)र गजट

[स(cid:3)ध(cid:3)रण [(cid:8)क

ॢबह(cid:4)र सरक(cid:4)र ह(cid:4)र(cid:4) (cid:13)क(cid:4)०शत

1 फ(cid:4)(cid:19)ग१न 1(cid:22)3(cid:22) (cid:24)श(cid:25)(cid:26)

((((स(cid:27)(cid:25) पटन(cid:4) 14(cid:22)) ) ) ) पटन(cid:4)(cid:30) म(cid:27)गलव(cid:4)र(cid:30) 20202020 फरवर(cid:15)फरवर(cid:15)फरवर(cid:15)फरवर(cid:15) 2(cid:25)1# सं॰सं॰सं॰सं॰ पि॰व॰/विविध-25-20/2017-338 पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग ——— ladYi

13 Qjojh 2018

विषय :- विाीय वर्ष 2017-18 से राज्य योजनान्तर्गत 23 जिलों यथा-1. नालन्दा 2. रोहतास 3. भभुआ (कैमूर) 4. बक्सर 5. जहानाबाद 6. अरवल 7. नवादा 8. औरंगाबाद 9. सीवान 10. गोपालगंज 11. सीतामढ़ी 12. षिवहर 13. समस्तीपुर 14. सुपौल 15. अररिया 16. किषनगंज 17. कटिहार 18. बांका 19. लखीसराय 20. शेखपुरा 21. जमुई 22. खगड़िया 23. बेगूसराय में एक-एक नये प्राक्‌-परीक्षा प्रषिक्षण केन्द्र के संचालन एवं पदों के सृजन की स्वीकृति ।

इस योजना के माध्यम से पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग के छात्र/छात्राओं को यू0पी0एस0सी0/बी0पी0एस0सी0, रेलवे, बैंकिंग, पुलिस एवं अन्य प्रतियोगिता परीक्षाओं की निःषुल्क तैयारी कराने हेतु वर्तमान में पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग द्वारा योजनान्तर्गत 15 जिलों यथा 1. पूर्णियाँ 2. सहरसा 3. मुंगेर 4. मधुबनी 5. वैषाली (हाजीपुर) 6. पूर्वी चम्पारण एवं 7. पष्चिम चम्पारण 8. पटना, 9. मुजफ्‌फरपुर, 10. गया, 11. सारण, 12. दरभंगा, 13. भागलपुर, 14. भोजपुर (आरा) एवं 15. मधेपुरा में एक-एक प्राक्‌ परीक्षा प्रषिक्षण केन्द्र संचालित किये जा रहे हैं।

वर्तमान विाीय वर्ष 2017-18 से राज्य योजनान्तर्गत राज्य के शेष 23 जिलों यथा-1. नालन्दा 2. रोहतास 3. भभुआ(कैमूर) 4. बक्सर 5. जहानाबाद 6. अरवल 7. नवादा 8. औरंगाबाद 9. सीवान 10. गोपालगंज 11. सीतामढ़ी 12. षिवहर 13. समस्तीपुर 14. सुपौल 15. अररिया 16. किषनगंज 17. कटिहार 18. बांका 19. लखीसराय 20. शेखपुरा 21. जमुई 22. खगड़िया 23. बेगूसराय में एक-एक प्राक्‌-परीक्षा प्रषिक्षण केन्द्र के संचालन एवं पदों के सृजन की स्वीकृति राज्य सरकार द्वारा प्रदान की गयी है।

इन केन्द्रों में पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग के छात्र/छात्राओं को विभिन्न प्रतियोगिता परीक्षाओं यथा यू॰पी॰एस॰सी॰/बी॰पी॰एस॰सी॰, रेलवे, बैंकिंग, पुलिस एवं अन्य प्रतियोगिता परीक्षाओं की निःषुल्क तैयारी कराई जाएगी।2 ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15)(cid:16) 2(cid:18) फरवर(cid:21) 2(cid:18)1(cid:23) योजना के संबंध में सामान्य दिशा निर्देश :-योजना के संबंध में सामान्य दिशा निर्देश :-योजना के संबंध में सामान्य दिशा निर्देश :-योजना के संबंध में सामान्य दिशा निर्देश :- (क) (क) (क) (क) प्रषिक्षण केन्द्र का वार्षिक कार्यक्रमः-प्रषिक्षण केन्द्र का वार्षिक कार्यक्रमः-प्रषिक्षण केन्द्र का वार्षिक कार्यक्रमः-प्रषिक्षण केन्द्र का वार्षिक कार्यक्रमः-प्रत्येक प्रषिक्षण केन्द्र पर 60-60 विद्यार्थियों के दो बैच (प्रषिक्षण अवधि 6-6 माह) संचालित कराये जाएँगे। इस प्रकार एक वर्ष में एक केन्द्र पर 240 विद्यार्थियों को अर्थात्‌ कुल 23 केन्द्रों पर 5520 विद्यार्थियों को प्रतियोगिता परीक्षा की तैयारी करायी जाएगी।

(ख) (ख) (ख) (ख) कार्यान्वयन एजेंसीः-कार्यान्वयन एजेंसीः-कार्यान्वयन एजेंसीः-कार्यान्वयन एजेंसीः-विष्वविद्यालयों/महाविद्यालयों में प्राक्‌ परीक्षा प्रषिक्षण केन्द्र का संचालन संबंधित जिला के जिला कल्याण पदाधिकारी के माध्यम से किया जाएगा एवं इसका पर्यवेक्षण एवं मूल्यांकन बिहार राज्य पिछड़ा वर्ग वित्त एवं विकास निगम, पटना के द्वारा किया जाएगा। (ग) (ग) (ग) (ग) पात्रताः-पात्रताः-पात्रताः-पात्रताः-प्राक्‌ परीक्षा प्रषिक्षण कार्यक्रम के लिए कुल उपलब्ध आसन में से 40%(24 आसन) पिछड़ा वर्ग तथा 60%(36 आसन) अति पिछड़ा वर्ग के छात्र/छात्राओं के लिए अनुमान्य होंगे। किसी एक कोटि के छात्र/छात्राओं की अनुपलब्धता की स्थिति में दूसरे कोटि के छात्र/छात्राओं का नामांकन किया जा सकता है।

(cid:1) छात्र/छात्रा की आयु सीमा एवं न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता संबंधित प्रतियोगिता परीक्षा के लिए निर्धारित न्यूनतम अर्हता के अनुरूप होनी चाहिए।

(cid:1) बिहार का स्थायी निवासी होनी चाहिए। (cid:1) जाति- पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग के अन्तर्गत होनी चाहिए। छात्र की आय सहित उनके अभिभावक की अधिकतम वार्षिक आय सभी स्रोतों को मिलाकर रू॰ 1,00,000/- होनी चाहिए।

(घ) (घ) (घ) (घ) प्रषिक्षण अवधिः-प्रषिक्षण अवधिः-प्रषिक्षण अवधिः-प्रषिक्षण अवधिः-प्रत्येक प्राक्‌ परीक्षा प्रषिक्षण कार्यक्रम की अधिकतम अवधि 6 माह की होगी। बजट शीर्ष और बजट की उपलब्धताः-बजट शीर्ष और बजट की उपलब्धताः-बजट शीर्ष और बजट की उपलब्धताः-बजट शीर्ष और बजट की उपलब्धताः- वित्तीय वर्ष 2017-18 में बजट मुख्य शीर्ष-2225-अनुसूचित जातियो, अनुसूचित जनजातियों और अन्य पिछड़े वर्गों का कल्याण-उप मुख्य षीर्ष-03-पिछड़े वर्गों का कल्याण-लघु षीर्ष-277-षिक्षा-उपषीर्ष-0101-षिक्षा मांग संख्या-11- विपत्र कोड- 11-2225032770101 के अन्तर्गत विषय शीर्ष-1301-कार्यालय व्यय इकाई में एवं 2802-संविदा सेवाएँ इकाई अन्तर्गत राज्य योजना से विकलनीय होगा। राज्य सरकार द्वारा निर्णय लिया गया है कि :-राज्य सरकार द्वारा निर्णय लिया गया है कि :-राज्य सरकार द्वारा निर्णय लिया गया है कि :-राज्य सरकार द्वारा निर्णय लिया गया है कि :- (i) विाीय वर्ष 2017-18 से राज्य योजनान्तर्गत 23 जिलों यथा-1. नालन्दा 2. रोहतास 3. भभुआ (कैमूर) 4. बक्सर 5. जहानाबाद 6. अरवल 7. नवादा 8. औरंगाबाद 9. सीवान 10. गोपालगंज 11. सीतामढ़ी 12. षिवहर 13. समस्तीपुर 14. सुपौल 15. अररिया 16. किषनगंज 17. कटिहार 18. बांका 19. लखीसराय 20. शेखपुरा 21. जमुई 22. खगड़िया 23. बेगूसराय में एक-एक नये प्राक्‌-परीक्षा प्रषिक्षण केन्द्र के संचालन एवं पदों के सृजन की स्वीकृति ।

(ii) प्रस्तावित व्यय प्रति केन्द्रः-प्रस्तावित व्यय प्रति केन्द्रः-प्रस्तावित व्यय प्रति केन्द्रः-प्रस्तावित व्यय प्रति केन्द्रः- प्राक्‌ परीक्षा प्रषिक्षण हेतु विभिन्न मदों में प्रति केन्द्र अनुमानित प्रस्तावित आवर्ती व्यय एवं अनावर्ती व्यय का

क्रमांक पद का नाम प्रति प्रति प्रति प्रति केन्द्र केन्द्र केन्द्र केन्द्र पद पद पद पद की की की की संख्या प्रति केन्द्र मानदेय पर प्रति केन्द्र मानदेय पर होनेवाली वार्षिक व्यय की होनेवाली वार्षिक व्यय की राषि केन्द्रोंं की केन्द्रोंं की केन्द्रोंं की केन्द्रोंं की संख्या कुल वार्षिक व्यय कुल वार्षिक व्यय कुल वार्षिक व्यय कुल वार्षिक व्यय की राशि अभ्यु अभ्युक्तिक्तिक्तिक्ति अभ्यु अभ्यु
(क) आवर्ती व्यय
1 निदेशक 1 रू॰ 5000/- प्रतिमाह x 12 माह =रू॰ 60000/- 23 1380000.00 प्रतिनियुक्ति के आधार पर विश्वविद्यालय/महाविद्यालय के शिक्षक रहेंगे।
2 शिक्षक - रू॰ 800/- प्रति कक्षा x प्रतिदिन 6 कक्षा x 24 दिन x 12 माह =रू॰ 1382400/- 23 31795200.00 प्रतिनियुक्ति के आधार पर विश्वविद्यालय/महाविद्यालय के शिक्षक रहेंगे।
3 कम्प्यूटर आपॅरेटर 1 रू॰ 13225/- प्रतिमाह x 12 माह =रू॰ 158700/- 23 3650100.00 स्ांविदा पर बेल्ट्रॉन के माध्यम से
4 भंडारपाल-सह- लिपिक 1 रू॰ 15000/-प्रतिमाह x 12 माह =रू॰ 180000/- 23 4140000.00 स्ांविदा पर
5 कार्यालय उपस्कर मेंटनेन्स - (कम्प्यूटर/फोटोकॉपियर /फैक्स/ आलमीरा/बुक सेल्फ/कुर्सी-बेंच इत्यादि के मेंटनेन्स हेतु) रू॰ 50000/- 23 1150000.00 -
6 कार्यालय व्यय - रू॰ 30000/-x 12 माह = रू॰ 360000 23 8280000.00 -
7 मकान किराया - रू॰ 20000/-प्रति माह x 12 माह =रू॰ 240000 23 5520000.00 -
8 दूरभाष - रू॰ 2000/-प्रति माह x 12 माह = रू॰ 24000 23 552000.00 -
रू॰ 2455100 2455100....00000000 2455100 2455100 Total 56467300.00
(ख) अनावर्ती व्यय
कम्प्यूटर/फोटो कॉपियर/फैक्स /आलमीरा/बुक सेल्फ इत्यादि के लिए प्रति केन्द्र रू0 3,00,000/- प्रथम वर्ष में। रू॰ 300000 प्रति केन्द्र 23 6900000.00
कुल व्यय (आवर्ती एवं कुल व्यय (आवर्ती एवं अनावर्ती व्यय) 63367300.00 -
3 ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15)(cid:16) 2(cid:18) फरवर(cid:21) 2(cid:18)1(cid:23)

कुल प्रस्तावित व्ययः- कुल प्रस्तावित व्ययः- कुल प्रस्तावित व्ययः- कुल प्रस्तावित व्ययः- इस प्रकार 23 केन्द्रों हेतु प्रति केन्द्र कुल वार्षिक अनुमानित आवर्ती व्यय =रू॰ 24,55,100 x 23= 56467300/-तथा 23 केन्द्रों हेतु प्रथम वर्ष के लिए कुल अनुमानित अनावर्ती व्यय =रू॰ 3,00,000x23 = 6900000/- अतः कुल व्यय= आवर्ती व्यय अनावर्ती व्यय= रू॰ 56467300 रू॰ 6900000= रू॰ 63367300 (iii) वर्त्तमान वित्तीय वर्ष 2017-18 के तीन माह हेतु आवर्ती व्यय मद में रू0 14116825 एवं अनावर्ती व्यय रू0 69,000,00 (प्रथम वर्ष हेतु) अर्थात्‌ कुल-रू0 14116825रू0 6900000़=रू0 21016825/- व्यय की स्वीकृति।

(iv) सभी प्राक्‌ परीक्षा प्रषिक्षण केन्द्रों को संबंधित जिलों में उपलब्ध सरकारी भवन या किराये के मकान में संचालित करने की स्वीकृति।प्रस्ताव में मंत्रिपरिषद की स्वीकृृति प्राप्त है।

या जाता है कि इस संकल्प की प्रति सभी जनप्रतिनिधियों/जनसाधारण की जानकारी के आदेष :- आदेष :- आदेष :- आदेष :- आदेष दिआदेष दिआदेष दिआदेष दिया जाता है कि इस संकल्प की प्रति सभी जनप्रतिनिधियों/जनसाधारण की जानकारी के या जाता है कि इस संकल्प की प्रति सभी जनप्रतिनिधियों/जनसाधारण की जानकारी के या जाता है कि इस संकल्प की प्रति सभी जनप्रतिनिधियों/जनसाधारण की जानकारी के लिए राजपत्र में प्रकाषित की जाय। लिए राजपत्र में प्रकाषित की जाय। लिए राजपत्र में प्रकाषित की जाय। लिए राजपत्र में प्रकाषित की जाय।

बिहार-राज्यपाल के आदेष से, प्रेम सिंह मीणा, सरकार के सचिव।सरकार के सचिव।सरकार के सचिव।सरकार के सचिव।

———

[ध(cid:24)¡क(cid:16) स०चव(cid:4)लय म१!ण(cid:4)लय(cid:16)

ॢबह(cid:4)र(cid:16) पटन(cid:4) ह(cid:4)र(cid:4) %क(cid:4)०शत eव) म१ॢ!त(cid:16) ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15) 149*5,1+1500 *ड(cid:24)(cid:18)ट(cid:21)(cid:18)प(cid:24)(cid:18)? Website: http://egazette.bih.nic.in

Cite this issue. Bihar Gazette, Government of Bihar, 20 February 2018. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gov.bih.gazette.2018-02-20.149/. Archive identifier in.gov.bih.gazette.2018-02-20.149.