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अध्सिूचना
10 सितम्बर 2018
laŒ 22@fuŒflŒ¼eqtŒ½&06&10@2012@1987—श्री माखन लाल गुप्ता (आई०डी०-3938) तत्कालीन सहायक अभियंता, तिरहुत नहर प्रमंडल सं०-1, मुजफ्फरपुर के पद पर पदस्थापित थे तो उनके विरूद्ध उक्त प्रमंडल में पदस्थापन अवधि के दौरान वर्ष 2012 में तिरहुत मुख्य नहर के वि0दू0 679.50 पर कराये जा रहे कैनाल लाईनिंग कार्यों में बरती गयी अनियमितता की जाँच विभागीय उड़नदस्ता अंचल, पटना द्वारा की गयी। उड़नदस्ता अंचल, पटना द्वारा समर्पित जाँच प्रतिवेदन की समीक्षा विभाग के स्तर पर की गयी। समीक्षोपरांत प्रथम द्रष्टया प्रमाणित आरोपों के लिए विभागीय पत्रांक-658, दिनांक 11.06.2013 द्वारा श्री गुप्ता से स्पष्टीकरण पूछा गया। श्री गुप्ता से प्राप्त स्पष्टीकरण की समीक्षा सरकार के स्तर पर की गयी। समीक्षोपरांत विभागीय संकल्प ज्ञापांक सं०-1828, दिनांक 04.12.14 द्वारा श्री गुप्ता के विरूद्ध बिहार सरकारी सेवक (वर्गीकरण नियंत्रण एवं अपील) नियमावली 2005 के नियम 17(2) में विहित रीति से विभागीय कार्यवाही संचालित की गयी।
संचालन पदाधिकारी से प्राप्त जाँच प्रतिवेदन की समीक्षा सरकार के स्तर पर की गयी। समीक्षोपरांत संचालन पदाधिकारी के मंतव्य से असहमत होते हुए असहमति के निम्न बिन्दुओं पर श्री गुप्ता से विभागीय पत्रांक-1068, दिनांक 10.6.16 द्वारा द्वितीय कारण पृच्छा की गयी।
(1) IS code-5454 के अनुसार किसी भी एकल ईंट का Compressive strength 85kg/cm2 से कम नहीं होना चाहिए। जबकि चार ईंट के नमूने में दो ईंट का Compressive strength 85kg/cm से कम है। ईट के अन्य पारामीटर भी विशिष्टि के अनुरूप नहीं है।
उक्त के आलोक में श्री माखन लाल गुप्ता, तत0 सहायक अभियंता द्वारा अपने पत्रांक-02, दिनांक 19.7.2016 द्वारा द्वितीय कारण पृच्छा का जवाब विभाग में समर्पित किया गया है। जिसमें मुख्य रूप से निम्न बातें कही गयी हैं :-
(i) IS Code-5454 के कंडिका-3 में ईंट की जाँच का method of sampling वर्णित है। जो निम्नवत है :-
(a) 3.2.1 में Sampling in motion. (b) 3.2.2 में Sampling from a stock (c) 3.2.3 में Sampling from lorries or truck इस तरह कार्य में व्यवहृत होने के पूर्व ही नये ईंटो की Sampling करनी थी। उड़नदस्ता द्वारा निर्धारित Sampling की प्रक्रिया को2 ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15)(cid:16) 4 फरवर(cid:15) 2019 नहीं अपनाया गया। संभवतः इसी कारण से उड़नदस्ता द्वारा चारों ईंटों का औसत Compressive strength निकाल कर 100kg/cm2 से तुलना की गयी है एवं ईंट के निष्कर्ष में अंकित किया गया है कि इन ईंटो का मानक के नजदीक माना जाय। (ii) Stack से नई ईंट नहीं लेने एवं लेईंग को तोड़कर ईट लेने एवं उससे compressive strength तथा अन्य भौतिक गुणों पर पड़ने वाले प्रभाव की व्याख्या मैंने संचालन पदाधिकारी को स्पष्ट करते हुए बचाव-बयान में लिखित रूप से दिया गया था। जिसे समीक्षा में नजर अंदाज कर दिया गया।
(iii) संचालन पदाधिकारी द्वारा भी उक्त कंडिका (ii) में उठायी गयी तथ्यों का विस्तार से विवेचना करते हुए अंकित किया गया है कि यह निदेश उन ईंटो पर लागु होता है जिसकी जाँच व्यवहार से पूर्व ही किया गया है। (iv) संचालन पदाधिकारी द्वारा यह भी स्पष्ट किया गया है कि पुराने तोड़कर निकाले गये ईटों की तुलना नई ईटों के गुण धर्म से करना उचित नहीं है।
3 ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15)(cid:16) 4 फरवर(cid:15) 2019