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Bihar Gazette · Government of Bihar

Bihar Gazette, 04 February 2019

Published 04 February 2019

Type
Extra Ordinary
Identifier
in.gov.bih.gazette.2019-02-04.173
Languages
English, Hindi

िनबंधन सं(cid:8)या पी0ट(cid:15)0-40 ॢबह(cid:4)र गजट

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संकल्प

4 Qjojh 2019

विषय- लघु जल संसाधन विभाग, बिहार के अंतर्गत सभी राजकीय नलकूपों की मरम्मति, संचालन एवं रख-रखाव को पंचायती राज व्यवस्था के तहत्‌ पंचायतों को सौंपना ।

उपर्युक्त विषय के सम्बन्ध में पूर्व मेंं निर्गत संकल्प संख्या-ल0ज0सं0/बजट (अनुपूरक)-45/16-1892 दिनांक 05.05.2017 के द्वारा यह तय किया गया था कि राजकीय नलकूपों का संचालन एवं रख-रखाव किसी निजी व्यक्ति/संस्था/जीविका/ पैक्स/ग्राम पंचायत को दिया जायेगा।

उपर्युक्त संदर्भ में यह पाया गया कि कुल 10242 नलकूपों में अभी तक मात्र 387 व्यक्तियों को ही नलकूप हस्तगत किया गया है। यह पाया गया कि निजी व्यक्ति/संस्था/जीविका/पैक्स/ग्राम पंचायत को यह कार्य अपने जिम्मे में लेने में मुख्यतः दो अड़चनें आ रही है जिसके चलते उपर्युक्त संस्थाओं द्वारा यह जिम्मा उठाने में असमर्थता व्यक्त की जा रही है-

(क) बिजली बिल का भुगतान। (ख) नलकूपों की मरम्मति। (क) बिजली बिल का भुगतान-जहाँ तक बिजली बिल की समस्या का प्रश्न है, उस सम्बन्ध में ऊर्जा विभाग द्वारा उनके विभागीय आदेश संख्या-2079 दिनांक 27.07.2018 द्वारा यह स्पष्ट किया गया है कि पटवन हेतु बिजली दर मात्र 75 पैसा प्रति यूनिट होगी। इस दर से औसतन एक नलकूप का मासिक बिजली बिल लगभग रू0 2000/प्रति माह आने की सम्भावना है। अतः अब बिजली का बिल जो कि औसतन 20000/-रू0 प्रति माह आता था, घटकर मात्र दो हजार रूपये प्रति माह आने की सम्भावना है।

(ख) नलकूपों की मरम्मति-विभाग द्वारा यह भी महसूस किया गया है कि विभाग नलकूपों की स्वयं मरम्मति न कर पंचायतों के माध्यम से कराये तो कार्य शीघ्र होगा और इन नलकूपों का रख-रखाव भी बेहतर तरीके से किया जा सकेगा। चूॅकि पंचायतें व्यापक स्तर पर जनोपयोगी योजनायें यथा मनरेगा इत्यादि पहले से क्रियान्वित कर रही हैं अतः पंचायतें राजकीय नलकूपों की मरम्मति अपने स्तर से करा सकती हैं। विभागीय अभियंता केवल तकनीकी एवं प्रशासनिक सहयोग प्रदान करें।2 ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15)(cid:16) 4444 फरवर(cid:15)फरवर(cid:15)फरवर(cid:15)फरवर(cid:15) 2019201920192019 उपर्युक्त को देखते हुए निम्नलिखित निर्णय लिया जा रहा हैः-

1. सभी राजकीय नलकूपों, का संचालन एवं रख-रखाव अब केवल पंचायतों के माध्यम से किया जायेगा, अतः सभी राजकीय नलकूप, (As is where is basis पर) पंचायत को हस्तांतरित किया जायगा। पूर्व में जिन निजी संस्थाओं/व्यक्तियों को नलकूप दिया गया है उनसे वापस लेकर उक्त नलकूपों को भी पंचायतों को हस्तांतरित किया जायगा। जो योजनायें चालू हैं उन्हें पंचायत संचालित करे तथा जो योजनायें बंद हैं उनकी मरम्मति कराकर संचालित करेंगे। मरम्मति का खर्च विभाग द्वारा दिया जायेगा। प्रथम चरण में बंद पड़े नलकूपों को हस्तानान्तरित किया जायेगा। चालू नलकूपों को द्वितीय चरण में हस्तानान्तरित किया जायेगा।

2. पंचायतों को केवल इन नलकूपों की मरम्मति संचालन एवं रख-रखाव ही करना है। सभी प्रकार की मरम्मति का खर्च विभाग द्वारा वहन किया जायेगा।

3. बिजली बिल का भुगतान पंचायत द्वारा किया जायेगा क्योंकि अब बिजली बिल लगभग 2000 रू0 प्रतिमाह रहने की संभावना है। किसी भी नलकूप का पुराना बकाया बिल विभाग द्वारा वहन किया जायेगा। एतद संबंधी निदेश निर्गत किया जा चुका है जिसकी प्रति इस संकल्प के साथ संलग्न है (परिशिष्ट-2)।

4. ग्राम पंचायत को नलकूप सिर्फ मरम्मति, संंचालन एवं रखरखाव के लिए हस्तांतरित किया जायेगा। यह नलकूप राज्य सरकार की ही संपत्ति रहेगी तथा पंचायतों का कार्य असंतोष जनक पाये जाने पर विभाग कभी भी नलकूपों को वापस ले सकता है।

5. नलकूपों पर व्यय स्वीकृत बजट उपबंध के अनुसार निम्नांकित विपत्र कोड में किया जायगा- (क) विपत्र कोड 50-2702031030104, 50-2702037890101 तथा 50-2702037960101 (ख) विपत्र कोड 50-4702001020101, 50-4702007890103 तथा 50-4702007960104 6. किसी नलकूप की मरम्मति में यदि 15 लाख रू0 से अधिक व्यय होगा, तो इसका कार्यान्वयन निविदा के माध्यम से विभाग द्वारा किया जायगा।

उक्त राशि से कम लागत के नलकूप की मरम्मति/जीर्णोंद्वार का कार्य पंचायत द्वारा ही किया जायगा। जिसकी प्रक्रिया निम्नलिखित होगी-

(क) सबसे पहले विभाग द्वारा मरम्मति में होनेवाले खर्च के सम्बन्ध में एक DPR बनाया जायेगा। उस DPR की तकनीकी एवं प्रशासनिक स्वीकृति विभाग द्वारा की जायगी। (ख) स्वीकृति के पश्चात्‌ DPR की प्रति एवं राशि पंचायत को उपलब्ध करायी जायगी। (ग) पंचायत स्वयं, किसी भी संवेदक अथवा विभाग द्वारा बनाये गये संवेदकों के पैनल में से किसी भी संवेदक को यह काम दे सकती है।

(घ) पंचायत संवेदक तय करने के पश्चात प्रमंडलीय कार्यपालक अभियंता की निगरानी में कार्य आरम्भ करेगी एवं उनके द्वारा दिये गये दिशा निर्देश के अनुरूप उक्त कार्य को सम्पन्न करायेगी। (ड़) विभागीय अभियंताओं का दायित्व प्रशासनिक एवं तकनीकी पर्यवेक्षण तक ही सीमित रहेगा। (च) मरम्मति कार्य हेतु राशि का भुगतान ग्राम पंचायतों को तीन किश्तों में कार्य की प्रगति के अनुसार किया जायेगा जिसमें 10 प्रतिशत Mobilisation Advance भी शामिल रहेगा ।

आवंटन DPR की राशि के अनुसार कार्यपालक अभियंता लघु सिंचाई प्रमंडल को दिया जायेगा और उनके द्वारा संबंधित पंचायत को उप आवंटन ग्राम पंचायत के बैंक खाते में किया जायेगा। इसके लिए ग्राम पंचायत द्वारा अलग से इस कार्य के लिए बैंक में एक बचत खाता खोला जायगा। (छ) पंचायत द्वारा Measurement Book का संधारण अपनी प्रक्रिया के अनुसार किया जायगा। विभागीय अभियंताओं द्वारा मात्र उक्त Measurement Book का सत्यापन करके राशि के भुगतान की अनुशंसा की जायगी। पूरा कार्य समाप्त होने पर तथा राशि खर्च होने पर उसका उपयोगिता प्रमाण-पत्र संबंधित पंचायत द्वारा कार्यपालक अभियंता, लघु सिंचाई प्रमंडल को देना होगा।

(ज) विभागीय अभियंताओं द्वारा Measurement Book की सत्यापित प्रति अपने प्रमंडल में संधारित की जायेगी ।

(झ) लेखा का संधारण भी कार्यपालक अभियंता द्वारा नियमतः किया जायेगा तथा महालेखाकार को प्रत्येक माह इसकी सूचना दी जायेगी।

(××××ा) यदि DPR की राशि से कम राशि में मरम्मति का कार्य पूरा हो जाता है तो बची हुई राशि पंचायत अपने खाते में रख सकती है। उक्त राशि को भविष्य में नलकूप की मरम्मति में व्यय किया जा सकेगा। यदि मरम्मति में DPR में तय राशि से ज्यादा राशि लगती है तो बढी हुई राशि पंचायत स्वयं वहन करेगी। किसी भी शर्त पर DPR की राशि को पुनरीक्षित नहीं किया जायेगा। (ट) यह भी स्पष्ट किया जाता है कि पंचायत स्वयं अथवा किसी भी संवेदक को अथवा विभाग द्वारा तैयार किये गये पैनल के संवेदक से कार्य करा सकती है। उपर्युक्त मरम्मति का कार्य औसतन दो3 ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15)(cid:16) 4 4 4 4 फरवर(cid:15)फरवर(cid:15)फरवर(cid:15)फरवर(cid:15) 2019201920192019 से तीन माह में पूरा हो सकता है। साधारणतया यह पाया गया है कि नलकूप की मरमति 3 माह में पूरी हो जाती है।

(ठ) पंचायत यदि आवश्यक समझें तो नलकूप के चैनल इत्यादि के निर्माण हेतु मनरेगा अथवा अन्य योजनाओं से राशि ले सकती है ताकि ज्यादा से ज्यादा किसानों को सिंचाई का लाभ मिल सके। 7. पंचायत को सिंचाई का पटवन शुल्क स्वयं वसूलने का अधिकार होगा और वह दर भी स्वयं निर्धारित कर सकती है। उसी पटवन शुल्क से पंचायत को मोटर पम्प या चैनल का रख-रखाव करना होगा और पम्प चालक का मानदेय उसी पटवन की आय से चुकानी होगी।

8. उक्त पूरी प्रक्रिया का मोनेटरिंग जिला स्तर पर निम्नलिखित समन्वय समिति द्वारा किया जायेगा- (क) उप विकास आयुक्त - अध्यक्ष (ख) लघु जल संसाधन विभाग के कार्यपालक अभियंता - सदस्य सचिव (ग) जिला पंचायती राज पदाधिकारी - सदस्य (घ) जिले के विभागीय सभी सहायक अभियंता/कनीय अभियंता - सदस्य (च) प्रखंड विकास पदाधिकारी - सदस्य उक्त समिति का मुख्य दायित्व यह होगा कि वे सभी पंचायतों को दी गयी राशि की सही उपयोगिता की जांच करेंगे तथा यह सुनिश्चित करेंगे कि अपने जिले में सभी पंचायतों के नलकूप सफलतापूर्वक चल रहे हैं। 9. पंचायत अथवा संवेदक के बीच में कोई विवाद उत्पन्न होने पर या बिजली बिल अथवा अन्य किसी भी प्रकार का मतभेद अथवा किसी भी पक्षकार/किसान/ग्रामीण के साथ कोई क्पेचनजम होता है तो मामला उपरोक्त समिति के समक्ष रखा जायगा और समिति का निर्णय संवेदक/पंचायत/सभी संबंधित पक्षकारों पर बाध्य होगा। 10. समिति के निर्णय से असंतुष्ट होने पर मामला जिलाधिकारी के समक्ष रखा जायेगा और उनका निर्णय अंतिम होगा।

11. यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होगा। उक्त के आलोक में विभागीय संकल्प संख्या-1892 दिनांक 05.05.2017, ज्ञापांक-5269 दिनांक 21.12.2017 एवं ज्ञापांक-3239 दिनांक 31.07.18 को निरस्त समझा जायेगा।

बिहार-राज्यपाल के आदेश से, (ह॰) अस्पष्ट, सरकार के प्रधान सचिव।

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परिशिष्ट-II

पत्र संख्या-5258

प्रेषक, के॰ के॰ पाठक, प्रधान सचिव । सेवा में, श्री आर॰ लक्ष्मणन, प्रबंध निदेशक, साउथ बिहार, पावर होल्डिंग कम्पनी, बिहार, पटना ।

विषयः- राजकीय नलकूपों के बिजली बिल के संबंध में ।

पटना, दिनांक 22 नवम्बर 2018 महाशय,

उर्जा विभाग द्वारा निर्गत पत्र संख्या 2078 दिनांक 27.07.2018 के क्रम में आज दिनांक 22.11.2018 को आपके साथ हुई बैठक में निम्नलिखित बातें तय हुई :-

(क) राजकीय नलकूपों में सभी स्थानों पर मीटर लगा दिये जाएं । 31 दिसम्बर 2018 तक इस कार्य को करने का आश्वासन आपके द्वारा दिया गया ।

(ख) यह तय हुआ कि राजकीय नलकूप पंचायत को दिए जायेगें । जिस तारीख से ये नलकूप पंचायतों को हस्तगत किया जाएगा, उसी तारीख से उक्त नलकूप का नया बिल Current Consumption के आधार पर बनाया जाय । बकाया बिल को उस तारीख से अलग कर दिया जाय और बकाया बिल को विभाग में भेजा जाय क्योंकि बकाया बिल की राशि का भुगतान विभाग द्वारा किया जायगा । Current Bill की राशि का भुगतान पंचायत द्वारा किया जायगा । (ग) जिस तारीख से नलकूप पंचायतों को हस्तगत किया जायगा उसके बाद से Running Bill 75 पैसे प्रति युनिट की दर से Generate होगा, जिसका भुगतान पंचायत द्वारा किया जाएगा ।4 ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15)(cid:16) 4444 फरवर(cid:15)फरवर(cid:15)फरवर(cid:15)फरवर(cid:15) 2019201920192019 (घ) अतः यह आवश्यक है कि जैसे ही नलकूप पंचायतों को हस्तगत हो तो बिजली कनेक्शन भी पंचायत के नाम से ही किया जाय तथा बिल भी संबंधित मुखिया, ग्राम पंचायत के नाम से निकाला जाय । (ड) कृपया अपने पावर कम्पनी में एक नोडल अफसर को नामित कर उसका नाम, पदनाम, मोबाईल नं॰ एवं ई॰-मेल देने की कृपा की जाय, ताकि विभाग जब-जब नलकूपों को पंचायतों को हस्तगत करायेगा तो उसकी सूचना उक्त नोडल अफसर को दी जायगी और उस तारीख से उर्जा कम्पनी संबंधित पंचायत के नाम से विद्युत विपत्र जारी करने की व्यवस्था करेगी ।

आदेश से, (ह॰) अस्पष्ट, प्रधान सचिव।

———— [ध(cid:17)¡क(cid:16) स०चव(cid:4)लय म१(cid:27)ण(cid:4)लय(cid:16) ॢबह(cid:4)र(cid:16) पटन(cid:4) ह(cid:4)र(cid:4) (cid:31)क(cid:4)०शत eव# म१ॢ(cid:27)त? ॢबह(cid:4)र गजट (cid:10)[स(cid:4)ध(cid:4)रण(cid:15) 173%5'1+1000%ड(cid:17)+ट,+प(cid:17)+? Website: http://egazette.bih.nic.in

Cite this issue. Bihar Gazette, Government of Bihar, 04 February 2019. Indian Gazettes, https://egazette.servantsofknowledge.in/details/in.gov.bih.gazette.2019-02-04.173/. Archive identifier in.gov.bih.gazette.2019-02-04.173.