;बपकरू1द्ध;बपकरू4द्ध
ख्;बपकरू3द्ध;बपकरू3द्ध ख्;बपकरू8द्ध
;बपकरू1द्ध;बपकरू4द्ध ;बपकरू4द्ध ;बपकरू12द्ध;बपकरू4द्ध;बपकरू4द्ध ;बपकरू13द्ध;बपकरू4द्ध;बपकरू14द्ध
3 ;बपकरू19द्ध;बपकरू20द्ध 1;बपकरू22द्ध43 ;बपकरू24द्ध;बपकरू25द्ध;बपकरू26द्ध
;बपकरू27द्ध;बपकरू25द्ध ;बपकरू4द्ध 2;बपकरू25द्ध;बपकरू22द्ध ;बपकरू4द्ध;बपकरू31द्ध ;बपकरू4द्ध 24 ;बपकरू4र्द्ध 2;बपकरू25द्ध21
बिहार विधान सभा सचिवालयबिहार विधान सभा सचिवालयबिहार विधान सभा सचिवालयबिहार विधान सभा सचिवालय
————
अधिसूचनाअधिसूचनाअधिसूचनाअधिसूचना
23232323 मार्चमार्चमार्चमार्च 2021202120212021
सं॰ सं॰ सं॰ सं॰ विसवि-15/2021-1111666641414141/विस । ''पटना विश्वविद्यालय ;संशोध्नद्ध विध्ेयक, 2021'', जो बिहार विधन सभा में दिनांक- 23 मार्च, 2021 को पुरःस्थापित हुआ था, बिहार विधन सभा की प्रिक्रया तथा कार्य संचालन नियमावली के नियम-116 के अन्तर्गत उद्देश्य और हेतु सहित प्रकाशित किया जाता है ।
आदेश से,
राज कुमार सिंह, सचिव,
बिहार विधन सभा।2 ;बपकरू2द्ध;बपकरू5द्ध ;बपकरू10द्धख्;बपकरू5द्ध;बपकरू5द्ध;बपकरू15द्ध;बपकरू16द्ध 24 ;बपकरू4र्द्ध 2;बपकरू25द्ध21 ;विसवि-12/2021द्ध पटना विश्वविद्यालय (संशोधन) विधेयक, 2021 पटना विश्वविद्यालय (संशोधन) विधेयक, 2021 पटना विश्वविद्यालय (संशोधन) विधेयक, 2021 पटना विश्वविद्यालय (संशोधन) विधेयक, 2021 पटना विश्वविद्यालय अधिनियम, 1976 (बिहार अधिनियम 24, 1976) का संशोधन करने के लिए विधेयक पटना विश्वविद्यालय अधिनियम, 1976 (बिहार अधिनियम 24, 1976) का संशोधन करने के लिए विधेयक पटना विश्वविद्यालय अधिनियम, 1976 (बिहार अधिनियम 24, 1976) का संशोधन करने के लिए विधेयक पटना विश्वविद्यालय अधिनियम, 1976 (बिहार अधिनियम 24, 1976) का संशोधन करने के लिए विधेयक प्रस्तावनाः-प्रस्तावनाः-प्रस्तावनाः-प्रस्तावनाः-चूँकि, बिहार राज्य के विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों में वर्ग III के शिक्षकेत्तर कर्मियों के पदों पर नियुक्ति किसी आयोग के माध्यम से किए जाने का निर्णय राज्य सरकार के संकल्प संख्या 591 दिनांक 06.03.2019 द्वारा लिया जा चुका है।
चूँकि, पटना विश्वविद्यालय के अन्तर्गत संचालित अंगीभूत महाविद्यालयों में प्रधानाचार्यों को शिक्षक कोटि में रखा गया है तथा शिक्षकों की नियुक्ति हेतु बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग का गठन हो चुका है। ऐसी स्थिति में प्रधानाचार्य के पद पर नियुक्ति बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग के माध्यम से ही किया जाना प्रस्तावित है। उपरोक्त के आलोक में बिहार राज्य विश्वविद्यालय अधिनियम, 1976 के प्रावधानों में संशोधन किया जाना अनिवार्य है।
भारत गणराज्य के बहतरवें वर्ष में बिहार राज्य विधान-मंडल द्वारा निम्नलिखित रूप में यह अधिनियमित होः- 1111.... संक्षिप्त नाम एवं प्रारंभ। -संक्षिप्त नाम एवं प्रारंभ। -संक्षिप्त नाम एवं प्रारंभ। -संक्षिप्त नाम एवं प्रारंभ। - (1) यह अधिनियम पटना विश्वविद्यालय (संशोधन) अधिनियम, 2021 कहा जा सकेगा।
(2) यह राजपत्र में उसके प्रकाशन की तिथि से प्रवृत होगा।
बिहार अधिनियम 24, 1976 की धारा-11 का संशोधन।-पटना विश्वविद्यालय अधिनियम, 1976 (बिहार 2222.... बिहार अधिनियम 24, 1976 की धारा-11 का संशोधन।- बिहार अधिनियम 24, 1976 की धारा-11 का संशोधन।- बिहार अधिनियम 24, 1976 की धारा-11 का संशोधन।-
अधिनियम 24, 1976) की धारा 11 की उपधारा (6) के बाद निम्नलिखित परंतुक जोड़ा जाएगा :-
''परंतु विश्वविद्यालय एवं इसके अंगीभूत महाविद्यालयों में वर्ग III के शिक्षकेत्तर कर्मियों के स्वीकृत पदों पर नियुक्ति राज्य सरकार के द्वारा निर्धारित आयोग की अनुशंसा के आलोक में कुलपति द्वारा विधिवत प्रक्रिया के तहत की जाएगी। इन पदों पर नियुक्ति हेतु संबंधित आयोग को अधियाचना भेजने के पूर्व विश्वविद्यालय राज्य सरकार से अनुमति प्राप्त करेगा।''
बिहार अधिनियम 24, 1976 की धारा-27 का संशोधन।-पटना विश्वविद्यालय अधिनियम, 1976 (बिहार 3333.... बिहार अधिनियम 24, 1976 की धारा-27 का संशोधन।- बिहार अधिनियम 24, 1976 की धारा-27 का संशोधन।- बिहार अधिनियम 24, 1976 की धारा-27 का संशोधन।-
अधिनियम 24, 1976) की धारा 27 की उपधारा (6) के खण्ड (घ) को निम्नलिखित से प्रतिस्थापित किया जाएगाः- ''(घ) एक महाविद्यालय के प्रधानाचार्य के पदस्थापन की अवधि अधिकतम 5 वर्षों की होगी, परंतु विश्वविद्यालय द्वारा गठित समिति के कार्य निष्पादन मूल्यांकन के आधार पर इस कालावधि को अधिकतम 05 वर्ष की दूसरी कालावधि के लिए बढ़ाया जा सकेगा।''
बिहार अधिनियम 24, 1976 की धारा-56 का संशोधन।-धारा-56 का संशोधन।-धारा-56 का संशोधन।-धारा-56 का संशोधन।-(1) पटना विश्वविद्यालय अधिनियम, 1976 (बिहार 4444.... बिहार अधिनियम 24, 1976 की बिहार अधिनियम 24, 1976 की बिहार अधिनियम 24, 1976 की
अधिनियम 24, 1976) की धारा 56 की उपधारा (2)(i) को निम्न रूपेण प्रतिस्थापित किया जाएगा :-
''56 (2)(i) इस अधिनियम और इसके अधीन बने परिनियमों के अधीन रहते हुए विश्वविद्यालय के पदाधिकारियों के पदांें पर नियुक्ति (कुलपति/ प्रतिकुलपति, कुलसचिव, संकायाध्यक्ष एवं अंगीभूत महाविद्यालय के प्राधानाचार्य के सिवाय) विश्वविद्यालय द्वारा निम्नलिखित सदस्यों को मिलाकर गठित समिति की अनुशंसा पर की जाएगी :- (1). कुलपति, अध्यक्ष। (2). कुलाधिपति द्वारा मनोनीत एक सदस्य। (3). सरकार द्वारा मनोनीत एक सदस्य। (4). एकेडमिक कौंसिल द्वारा अनुमोदित कम से कम दस नामों के पैनल में से कुलपति द्वारा मनोनीत तीन विशेषज्ञ, जो विश्वविद्यालय से संबद्ध नहीं होंगे तथा उनमें कम से कम एक सदस्य अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति के होंगें और दो राज्य के बाहर के होंगे। एकेडमिक कौंसिल द्वारा अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति कोटि के कम से दो सदस्यों का नाम भेजा जाएगा।
5. अनुशासन से संबंधित विभागाध्यक्ष। परंतु, चयन समिति में महिला एवं अति पिछडा वर्ग (अनुसूची -1) का प्रतिनिधित्व नहीं हो, तो राज्य सरकार यथास्थिति महिला अथवा अति पिछडा वर्ग (अनुसूची -1) या दोनों के अतिरिक्त सदस्यों का मनोनयन कर सकेगी, परंतु यह कि, इस अधिनियम और इसके अधीन बने परिनियमों के रहते हुए विश्वविद्यालय के अन्तर्गत प्रधानाचार्य के पद पर नियुक्ति के संबंध में बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग, यथासंभव, उन्ही कृत्यों का पालन करेगा, जो बिहार लोक सेवा आयोग को, राज्य सेवाओं के संबंध में संविधान के अनुच्छेद 320 के तहत सुपुर्द किए गए हैं।'' 5555.... व्यावृत्ति।व्यावृत्ति।व्यावृत्ति।व्यावृत्ति।----अधिनियम की धारा 11 की उपधारा (6), धारा 27 की उपधारा (6) के खण्ड (घ) एवं धारा 56 की उपधारा (2)(i) में संशोधन के होते हुए भी, पूर्व में किया गया कुछ भी या विनिश्चय और की गई कार्रवाई विधि पूर्ण किया गया समझा जायेगा या की गई समझी जायेगी और संशोधन के आधार पर प्रश्नगत नहीं किया जाएगा या की जाएगी।
त्र3 ;बपकरू2द्ध;बपकरू5द्ध ;बपकरू10द्धख्;बपकरू5द्ध;बपकरू5द्ध;बपकरू15द्ध;बपकरू16द्ध 24 ;बपकरू4र्द्ध 2;बपकरू25द्ध21
उद्देश्य एवं हेतुउद्देश्य एवं हेतुउद्देश्य एवं हेतुउद्देश्य एवं हेतु
बिहार राज्य के सभी विश्वविद्यालयों एवं अधीनस्थ अंगीभूत महाविद्यालयों में वर्ग-3 के शिक्षकेत्तर कर्मियों के पदों पर नियुक्ति किसी आयोग के माध्यम से किये जाने का निर्णय शिक्षा विभाग के संकल्प संख्या-591 दिनांक 06.03. 2019 द्वारा लिया जा चुका है। पटना विश्वविद्यालय में वर्ग-3 के शिक्षकेत्तर कर्मियों के रिक्त पदों पर नियुक्ति हेतु उक्त निर्णय का शीघ्र अनुपालन किया जाना आवश्यक है।
पटना विश्वविद्यालय अन्तर्गत संचालित अंगीभूत महाविद्यालयों के प्रधानाचार्यो को शिक्षक कोटि में रखा गया है तथा शिक्षकों की नियुक्ति हेतु बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग का गठन हो चुका है। ऐसी स्थिति में पटना विश्वविद्यालय के अन्तर्गत महाविद्यालयों में प्रधानाचार्य के पद पर नियुक्ति बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग के माध्यम से ही किया जाना प्रस्तावित है। साथ ही प्रधानाचार्य की किसी महाविद्यालय में पदावधि भी UGC के प्रावधानों के अनुरूप किया जाना आवश्यक है।
इस निमित पटना विश्वविद्यालय अधिनियम, 1976 (बिहार अधिनियम 24, 1976) की धारा 11 की उपधारा (6), धारा 27 की उपधारा (6) के खण्ड (घ) तथा धारा 56 की उपधारा 2 (i) में कतिपय संशोधन करने हेतु इस विधेयक को अधिनियमित करना ही इस विधेयक का मुख्य उद्देश्य है जिसे अधिनियमित कराना ही इस विधेयक का अभीष्ट है।
विजय कुमार चौधरी, विजय कुमार चौधरी, विजय कुमार चौधरी, विजय कुमार चौधरी, भारसाधक सदस्य। त्र ह्येड्डहृत्र
कृ०ड्डहृ्ब्व्च्श्रिंडच्श्रव्डव्छत्र
राजराजराजराज कुमारकुमारकुमारकुमार सिंह,सिंह,सिंह,सिंह,त्र क्तकृन्नप्र्रत्र कृऊझ्हृह्नत्रकृप्रस्हृड्डत्रक्तमहृहृ'