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सं॰ 08/आरोप-01-37/2019-14829/सा0प्र0 सामान्य प्रशासन विभाग ——— संकल्प 10101010 दिसम्बरदिसम्बरदिसम्बरदिसम्बर 2021202120212021 2 ;बपकरू5द्ध ;बपकरू10द्धख्;बपकरू5द्ध;बपकरू5द्ध;बपकरू15द्ध;बपकरू16द्ध कार्यकाल का नहीं है। उनके कार्यकाल में जितनी भी राशि नगर पालिका को प्राप्त हुई, उसे बैंक खाते/टे्रजरी में नियमित रूप से जमा किया गया। उनके द्वारा स्पष्टीकरण की कार्रवाई से मुक्त करने का अनुरोध किया गया। 3. श्री कुमार के विरूद्ध प्रतिवेदित आरोप एवं उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण की समीक्षा अनुशासनिक प्राधिकार के स्तर पर की गयी एवं समीक्षोपरांत पाया गया कि श्री कुमार द्वारा कोषपाल के रोकड़ पंजी और लेखा पाल की रोकड़ पंजी का नियमित सत्यापन/जाँच नहीं किया गया और इतनी बड़ी राशि बैंक/कोषागर में जमा नहीं होकर रोकड़ पाल के पास ही रह गया और राशि का दुरूपयोग हुआ। कार्यपालक पदाधिकारी के द्वारा रोकड़बही का Bihar Municipal Accounting, Rules 2014 के Rule 29 (5) के तहत साप्ताहिक एवं नियमित जाँच किया जाना है, जो नहीं किया गया। अपने कार्यकाल में श्री कुमार द्वारा दोषियों के विरूद्ध कोई कार्रवाई नहीं की गयी। मात्र प्रभार देने के समय सुझाव के रूप में अपनी टिप्पणी अंकित किया गया है।
4. विभागीय संकल्प ज्ञापांक-7391 दिनांक 20.07.2021 द्वारा श्री कुमार, बि॰प्र॰से॰, कोटि क्रमांक-1251/11 का स्पष्टीकरण अस्वी—त करते हुए कार्यपालक पदाधिकारी के रूप में अपने कर्तव्यों एवं दायित्वों का निर्वहन सही ढंग से नहीं करने एवं दोषी कर्मी/रोकड़पाल के विरूद्ध ठोस कार्रवाई नहीं करने के लिए बिहार सरकारी सेवक (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियमावली, 2005 के नियम-19 के प्रावधानों के तहत (i) निन्दन (आरोप वर्ष-2015-16) का दंड अधिरोपित/संसूचित किया गया। 5. उक्त दंडादेश के विरूद्ध श्री कुमार द्वारा अपील/पुनर्विलोकन अभ्यावेदन (दिनांक 08.09.2021) दायर किया गया, जिसकी समीक्षा अनुशासनिक प्राधिकार के स्तर पर की गयी। समीक्षोपरांत पाया गया की श्री कुमार द्वारा अपने अपील आवेदन/पुनर्विलोकन अभ्यावेदन में पूर्व में समर्पित स्पष्टीकरण में वर्णित सारे तथ्यों का ही उल्लेख किया गया है, जिसके समीक्षोपरांत ही अनुशासनिक प्राधिकार द्वारा उन्हें 'निन्दन' का दंड संसूचित किया गया है। उनके द्वारा अपील आवेदन में कोई नया तथ्य नहीं रखा गया है। 6. उपर्युक्त वर्णित तथ्यों के आलोक में श्री कुमार का अपील आवेदन/पुनर्विलोकन अभ्यावेदन अस्वी—त करते हुए संकल्प ज्ञापांक-7391 दिनांक 20.07.2021 द्वारा अधिरोपित दंड 'निन्दन' (आरोप वर्ष-2015-16) को पूर्ववत् बरकरार रखा जाता है।