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(0 884) ए ;बपकरू232द्धए 20 ;बपकरू200द्ध 2022
सं॰ 08/आरोप—01-185/2014/सा॰प्र॰/17098
सामान्य प्रषासन विभाग
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20 flrEcj 2022
श्री संदीप शेखर प्रियदर्शी, बि0प्र0से0, कोटि क्रमांक-1169/2011 तत्कालीन अनुमंडल पदाधिकारी, मढ़ौरा, सारण के विरूद्ध खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग, बिहार, पटना के पत्रांक-6654 दिनांक 21.08.2014 द्वारा आरोप पत्र उपलब्ध कराते हुए विभागीय कार्यवाही की अनुशंसा की गयी। प्राप्त आरोप पत्र में श्री प्रियदर्शी के विरूद्ध मुख्य रूप से अनुज्ञापन पदाधिकारी के रूप में प्राप्त पदीय शक्ति का दुरूपयोग करने, न्यायालय एवं उच्चाधिकारियों के आदेशों की अवहेलना करने, स्वेच्छाचारिता एवं व्यक्तिगत द्वेष से कार्य करने आदि का आरोप प्रतिवेदित किया गया। खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग, बिहार, पटना से प्राप्त आरोप पत्र के आधार पर विभागीय पत्रांक 12106 दिनांक 01.09.2014 द्वारा श्री प्रियदर्शी से स्पष्टीकरण की मांग की गयी। उक्त के आलोक में श्री प्रियदर्शी ने अपना स्पष्टीकरण (पत्रांक 45 दिनांक 15.01.2015) समर्पित किया। श्री प्रियदर्शी से प्राप्त स्पष्टीकरण पर विभागीय पत्रांक 2041 दिनांक 06.02.2015 द्वारा प्रधान सचिव, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग, बिहार, पटना से मंतव्य की मांग की गयी। खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग, बिहार, पटना के पत्रांक 4682 दिनांक 01.10.2019 द्वारा मंतव्य प्राप्त हुआ। जिसमें श्री प्रियदर्शी के स्पष्टीकरण को स्वीकारयोग्य नहीं बताया गया।
तत्पश्चात श्री प्रियदर्शी के विरूद्ध प्रतिवेदित आरोप पत्र, उनसे प्राप्त स्पष्टीकरण एवं खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग, बिहार, पटना से प्राप्त मंतव्य की समीक्षा अनुशासनिक प्राधिकार के स्तर पर की गयी। समीक्षोपरांत मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोप पत्र पुनर्गठित करते हुए श्री प्रियदर्शी के विरूद्ध प्रतिवेदित आरोपों की विस्तृत जांच हेतु विभागीय संकल्प ज्ञापांक-1379 दिनांक 27.01.2020 द्वारा विभागीय कार्यवाही संचालित किया गया। इस विभागीय कार्यवाही में प्रमंडलीय आयुक्त, तिरहुत प्रमंडल, मुजफ्फरपुर को संचालन पदाधिकारी नियुक्त किया गया। संचालन पदाधिकारी-सह-आयुक्त तिरहुत प्रमंडल, मुजफ्फरपुर के पत्रांक-1654 दिनांक 04.08.2022 द्वारा जांच प्रतिवेदन उपलब्ध कराया गया। प्राप्त जांच प्रतिवेदन में श्री प्रियदर्शी के विरूद्ध प्रतिवेदित आरोप संख्या-01, 02, 03 एवं 04 को प्रमाणित नहीं पाया गया। 2 ;बपकरू464द्ध ;द्ध 20 ;बपकरू200द्ध 2022 गया है कि ''आरोपित पदाधिकारी द्वारा Office Procedures का सही तरह से पालन नहीं किया गया है, जिस कारण इन्हे विपार्ड में प्रशिक्षण की भी आवश्यकता है। '' अतएव संचालन पदाधिकारी से प्राप्त जांच प्रतिवेदन/मंतव्य के आलोक में श्री संदीप शेखर प्रियदर्शी, बि0प्र0से0,कोटि क्रमांक-1169/2011तत्कालीन अनुमंडल पदाधिकारी, मढ़ौरा, सारण को भविष्य में सचेत रहने के निदेश के साथ इस मामले को संचिकास्त किया जाता है। आदेशः-आदेश दिया जाता है कि इस संकल्प की प्रति बिहार राजपत्र के अगले असाधारण अंक में
प्रकाशित किया जाय तथा इसकी प्रति सभी संबंंधित को भेज दी जाय।
बिहार-राज्यपाल के आदेश से, मो0 सिराजुद्दीन अंसारी, सरकार के अवर सचिव।