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(0 771) ए ए 27 ;बपकरू224द्ध 2023
laŒ 04 तक0/अल्पसंख्यक उद्यमी/31/2023—2858 उद्योग विभाग ——— ladYi 26 flrEcj 2023 विषयः-राज्य के अल्पसंख्यक वर्ग के युवाओं में उद्यमिता को बढ़ावा देने/इनके बीच स्व-रोजगार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री अल्पसंख्यक उद्यमी योजना की स्वीकृति के संबंध में। उद्योग विभाग, बिहार सरकार द्वारा राज्य के सभी वर्ग के युवा/युवतियों के बीच उद्यमिता को बढ़ावा देने/स्व-रोजगार को विकसित करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति/अति पिछड़ा वर्ग/युवा/महिला उद्यमी योजना लागू की गयी है। राज्य के युवा एवं युवतियों के बीच उक्त योजना की अभिरूचि को देखते हुए तथा राज्य के अल्पसंख्यक वर्ग में उद्यमिता को बढ़ावा देने/इनके बीच स्व-रोजगार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री अल्पसंख्यक उद्यमी योजना लागू की गयी है।
2. राज्य के युवाओं द्वारा स्व-रोजगार हेतु बैंकों से ऋण प्राप्त करने के लिये कोलेटरल सेक्युरिटी (प्रतिभूति) एवं मार्जिन मनी की राशि नहीं रहने के कारण ऋण स्वीकृति में कठिनाई होती है। इसे ध्यान में रखते हुए उद्योग विभाग, बिहार, पटना द्वारा राज्य के युवाओं को स्व-रोजगार/उद्योग स्थापित करने हेतु विशेष प्रोत्साहन योजना लागू किया गया है।
3. इस योजना अन्र्तगत लाभार्थियों की योग्यता निम्नवत होगी :-
2 ;बपकरू464द्ध ;द्ध 27 ;बपकरू224द्ध 20234. इस योजना अन्तर्गत लाभार्थियों का चयन मुख्यमंत्री उद्यमी योजनान्तर्गत गठित चयन समिति द्वारा किया जायेगा तथा इस योजना हेतु अल्पसंख्यक कल्याण विभाग द्वारा नामित एक सदस्य भी उक्त चयन समिति के सदस्य होंगे। उक्त चयन समिति द्वारा ही इस योजना का क्रियान्वयन एवं अनुश्रवण किया जायेगा। योजना के प्रभावी कार्यान्वयन हेतु संशोधन करने के लिए चयन समिति सक्षम होगी।
5. इस योजनान्तर्गत लाभुकों से ऑनलाईन आवेदन प्राप्त किया जायेगा। चयन समिति द्वारा परियोजना के लिए राशि का मूल्यांकन उद्यमी की आवश्यकताओं को देखते हुए की जायेगी एवं आवश्यक राशि स्वीकृत की जायेगी। 6. इस योजनान्तर्गत आवेदकों को ऋण एवं अनुदान की स्वीकृति निम्न रूपेण की जायेगी :-
i. योजनान्तर्गत उद्योग स्थापित करने वाले लाभुकों हेतु कुल परियोजना लागत (प्रति इकाई) अधिकतम रु0 10.00 (दस) लाख स्वीकृत की जायेगी।
ii. क्ुल परियोजना लागत 50ः50 के ऋण एवं अनुदान के रूप में होगी। iii. योजना का 50 प्रतिशत राशि, अधिकतम रु0 5.00 (पाँच) लाख विशेष प्रोत्साहन योजनान्तर्गत अनुदान/सब्सिडी के रूप में स्वीकृत की जायेगी।
iv. परियोजना लागत का शेष 50 प्रतिशत राशि, अधिकतम रु0 5.00 (पाँच) लाख ऋण के रूप में स्वीकृत की जायेगी तथा योजना के तहत अंतिम किश्त के भुगतान के 01 (एक) वर्ष के उपरान्त इस की वसूली उद्योग मित्र द्वारा 84 समान किश्तों में की जायेगी। इसके लिए उद्योग मित्र द्वारा आवश्यक बैंक खाता खोला जायेगा। लाभुक द्वारा ऋण की अदायगी समय पर न किये जाने या किसी अन्य प्रकार की वित्तीय अनियमिता किये जाने पर सन्निहित राशि की वसूली सरकारी भू-राजस्व के रूप में की जायेगी।
v. सभी लाभुकों के प्रशिक्षण एवं परियोजना अनुश्रवण समिति (PMA) द्वारा सहायता के लिए प्रति इकाई रू0 25,000/- (पच्चीस हजार रुपये) के दर से व्यय किया जायेगा।
7. बजट शीर्ष एवं बजट का उपबंध-इस राशि की निकासी अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के मुख्यशीर्ष-5465-सामान्य वित्तीय तथा व्यापारिक संस्थाओं में निवेश, उपमुख्य शीर्ष-01-सामान्य वित्तीय संस्थाओं में निवेश, लघुशीर्ष-190-सार्वजनिक क्षेत्र के तथा अन्य उपक्रमों, बैंकों आदि मे निवेश, उपशीर्ष-0104-बिहार राज्य अल्पसंख्यक वित्तीय निगम के हिस्सा पूँजी के रूप में (कैपिटल शेयर), विपत्र कोड- 30-5465011900104 में वित्तीय वर्ष 2023-24 में रु0 100.00 करोड़ की राशि उपलब्ध है।
कंडिका-06 (i एवंv) में वर्णित प्रावधान के अनुसार प्रति उद्यमी रु0 10.25 लाख (दस लाख पच्चीस हजार रुपये) की दर से अल्पसंख्यक कल्याण विभाग, बिहार सरकार से प्राप्त योजना की समेकित राशि उद्योग मित्र के खाता में उपलब्ध करायी जायेगी।
8. इस योजना हेतु प्रतिवर्ष अल्पसंख्यक वर्ग के लाभार्थियों के लक्ष्य का निर्धारण अल्पसंख्यक कल्याण विभाग, बिहार सरकार द्वारा किया जायेगा।
9. इस योजना के अन्तर्गत केवल नये उद्योगों के स्थापना के लिए लाभ देय होगा। इन इकाईयों को बिहार औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नीति, 2016 का भी लाभ देय होगा।
10. यह योजना संकल्प निर्गत की तिथि से प्रभावी होगा। 11. प्रस्ताव पर राज्य मंत्रिपरिषद द्वारा दिनांक 25.09.2023 की बैठक में मद संख्या 05 के रूप में स्वीकृति प्रदान की गयी है।
बिहार-राज्यपाल के आदेश से, संदीप पौण्डरीक, अपर मुख्य सचिव।