असाधारण अंक
(cid:464)बहार सरकार (cid:430)ारा (cid:292)कािशत
18 आि(cid:435)न 1947 (श0)
(सं0 पटना 1659) पटना, शु(cid:272)वार, 10 अ(cid:200)तूबर 2025
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राज्य में नाट्य एवं फिल्म शिक्षा के क्षेत्र में संस्थागत प्रशिक्षण केन्द्र का अभाव है। प्रतिभाशाली छात्र-छात्राएँ उच्च शिक्षा एवं प्रशिक्षण हेतु अन्य राज्यों अथवा राष्ट्रीय संस्थानों (जैसे-राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय, नई दिल्ली तथा फिल्म एवं टेलीविजन संस्थान, पुणे) पर निर्भर हैं। परिणाम स्वरूप राज्य में कला एवं सांस्कृतिक प्रतिभाओं का पलायन होता रहा है।
बिहार की समृद्ध नाट्य परंपरा (भिखारी ठाकुर का 'बिदेसिया', लोक नाट्य परंपरा, मैथिली एवं मगही नाटक) तथा राज्य में विकसित हो रही फिल्म रूचि एवं उद्योग की संभावनाओं को देखते हुए राज्य स्तर पर एक ''बिहार फिल्म एवं नाट्य संस्थान'' की स्थापना आवश्यक है।
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(i) स्थानीय प्रतिभाओं को गुणवाापूर्ण प्रशिक्षण मिलेगा। (ii) नाट्य एवं फिल्म उद्योग को गति मिलेगी। (iii) रोजगार एवं उद्यमिता के अवसर विकसित होंगे। (iv) बिहार की सांस्कृतिक पहचान को राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय मंच पर सुदृढ़ता मिलेगी।
2 (cid:464)बहार गजट (असाधारण), 10 अ(cid:200)तूबर 2025 (ii) फिल्म अध्ययन- फिल्म निर्देशन, अभिनय, पटकथा लेखन, संपादन, सिनेमैटोग्राफी, ध्वनि, पोस्ट प्रोडक्शन गतिविधियाँ आदि। (घ) पाठ्यक्रम-(i) किसी विश्वविद्यालय से संवद्धता (ii) स्नातक के उपरांत नामांकन (iii) दो साल के अध्ययन उपरांत स्नातकोार डिग्री (iv) एक वर्ष का सर्टिफिकेट/डिप्लोमा कोर्स (v) अल्पावधि/विशेष प्रशिक्षण कार्यशालाओं का प्रावधान
(ड़) भौतिक ढाँचा- प्रशासनिक खण्ड, ऑडिटोरियम, मिनी थियेटर, फिल्म स्टूडियो, संपादन कक्ष, पुस्तकालय, कक्षाएँ एवं छात्रावास।
(i) तात्कालिक तौर पर उपलब्ध किसी उपयुक्त भवन में इसके संचालन की व्यवस्था की जाएगी।
(ii) उपयुक्त भूखण्ड उपलब्ध होने पर संस्थान के भौतिक ढांचा का निर्माण कराया जायेगा। - (i) राज्य सरकार द्वारा प्रारंभिक विाीय सहायता प्रदान किया जायेगा। (ii) आगे चलकर केन्द्र सरकार, CSR एवं स्वयं की आय (फीस, प्रोडक्शन, शो) से भी विा जुटाया जाएगा।
(iii) व्यय का विकलन संस्थान से संबंधित नया बजट शीर्ष खोलकर राशि का प्रावधान किया जायेगा।
आवश्यकतानुसार पदों का सृजन प्रशासी पदवर्ग समिति के अनुमोदनोंपरांत किया जायेगा। (i) बिहार के युवाओं को उच्चस्तरीय प्रशिक्षण उपलब्ध होगा। (ii) प्रतिभा पलायन में कमी आएगी। (iii) लोक नाट्य एवं आधुनिक थियेटर का संरक्षण एवं विकास होगा। (iv) फिल्म उद्योग के विस्तार से रोजगार एवं उद्यमिता को बढ़ावा मिलेगा। (v) बिहार राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सांस्कृति एवं फिल्म हब के रूप में प्रतिष्ठित होगा। उपर्युक्त वर्णित तथ्यों के आलोक में राज्य में बिहार फिल्म एवं नाट्य संस्थान की स्थापना किये जाने की सैद्धांतिक स्वीकृति प्रदान करने के प्रस्ताव पर दिनांक 03.10.2025 को मंत्रिपरिषद की बैठक में मद संख्या-1 में स्वीकृति प्राप्त है।
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अधी(cid:162)क, सिचवालय मु(cid:289)णालय,
(cid:464)बहार, पटना (cid:430)ारा (cid:292)कािशत एवं मु(cid:464)(cid:289)त । (cid:464)बहार गजट (असाधारण) 1659-571+10-डी0ट(cid:547)0पी0 । Website: https://egazette.bihar.gov.in